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सुपौल में सीएम नीतीश बोले- ‘लालू-राबड़ी शासनकाल में शाम के बाद बाहर नहीं निकलते थे लोग’

सुपौल. मंगलवार से सीएम नीतीश कुमार की समृद्धि यात्रा की शुरुआत हुई. सुपौल जिले में लोगों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अगले 5 साल के विजन को बताया. सीएम नीतीश ने कहा कि 2025 से 2030 के लिए काम शुरू हो गया है. अगले 5 सालों में उद्योग को बढ़ावा, 1 करोड़ युवाओं को रोजगार और महिलाओं को 2-2 लाख रुपए भी दिए जायेंगे. 7 प्वाइंट में बताया पूरा विजन दोगुना रोजगार, दोगुनी आय- प्रति व्यक्ति औसत आय को दोगुना किया जाएगा. महिलाओं को दो-दो लाख रुपए और 1 करोड़ युवाओं को नौकरी दिया जाएगा.     समृद्ध उद्योग, सशक्त बिहार- अगले 5 सालों में उद्योग लगाने पर पूरा जोर दिया जाएगा. सभी जिलों में औद्योगिक क्षेत्र की स्थापना की जा रही है. पुरानी बंद चीनी मिलों को चालू किया जाएगा.     कृषि में प्रगति, प्रदेश की समृद्धि- इसके लिए पहले से ही काम किया गया है. इसमें और तेजी लाने के लिए अब नए बिहार विपणन प्रोत्साहक निगम की स्थापना की गई है. मखाना के उत्पादन को और बढ़ावा दिया जा रहा है. डेयरी और मछली पालन पर विशेष जोर दिया जा रहा है.     उन्नत शिक्षा, उज्जवल भविष्य- राज्य में शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए हर प्रखंड में आदर्श विद्यालय और डिग्री कॉलेज खोले जा रहे हैं. एक नए एजुकेशन सिटी का निर्माण कराया जा रहा है.     सुलभ स्वास्थ्य और सुरक्षित जीवन- स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर करने के लिए जिला और प्रखंड के अस्पतालों को विशिष्ट चिकित्सा केंद्र बनाया जा रहा है. राज्य में प्रतिष्ठित निजी अस्पतालों की स्थापना के लिए प्रोत्साहन दिया जाएगा. सरकारी चिकित्सकों की निजी प्रैक्टिस पर रोक लगाने की नीति लाई जाएगी.     मजबूत आधार, आधुनिक विस्तार- आधारभूत संरचनाओं को बेहतर किया जाएगा. शहरों का विकास किया जाएगा. 5 नए एक्सप्रेसवे का निर्माण किया जाएगा. ग्रामीण सड़कों को टू लेन बनाया जाएगा. इच्छुक लोगों के घर की छतों पर सोलर पैनल लगाए जायेंगे. टूरिज्म को बढ़ावा दिया जाएगा.     सबका सम्मान और जीवन आसान- आधुनिक तकनीक और अच्छे प्रशासन के माध्यम से राज्य के लोगों के जीवन को आसान बनाया जाएगा. लालू-राबड़ी शासनकाल पर भी बोले लोगों को संबोधित करते हुए लालू-राबड़ी शासनकाल पर सीएम नीतीश कुमार ने कहा, 2005 के पहले की जो सरकार बनी थी, लोग शाम के बाद घर से बाहर नहीं निकलते थे. शाम से ही घर में बंद हो जाते थे. पहले समाज में कितना विवाद होता था और हिंदू मुसलमान का झगड़ा भी होता था. पढ़ाई का भी हाल बुरा था. बहुत कम बच्चे ही पढ़ पाते थे. पहले इलाज का भी इंतजाम नहीं था और सड़कें भी बहुत कम थी. हम लोगों ने बिहार में सारा काम किया. बिहार में किसी प्रकार के डर-भय का वातावरण नहीं है.

नीतीश और भाई वीरेंद्र ‘सरकार नहीं चलेगी’ पर आए आमने-सामने

पटना. बिहार विधानसभा का मंगलवार का सत्र हंगामेदार रहा। कार्यवाही शुरू होते ही राजद विधायक कुमार सर्वजीत ने चौकीदारों पर हुए लाठीचार्ज का मुद्दा उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे लोगों पर बर्बरता की गई। राजद विधायकों ने कहा कि ऐसी सरकार नहीं चलेगी। सदन में विपक्ष ने नारेबाजी शुरू कर दी। माहौल कुछ ही मिनटों में पूरी तरह गरमा गया। हंगामे के बीच संसदीय कार्य मंत्री विजय चौधरी जवाब देने खड़े हुए। उन्होंने कहा कि सरकार नहीं चलेगी तो चौकीदारों की सुनेगा कौन। इसी दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भी अपनी सीट से उठे। उन्होंने राजद विधायक भाई वीरेंद्र से कहा, 'आप बैठिए, आपकी संख्या कितनी कम है।' सीएम ने यह भी कहा कि विपक्ष ने अपने कार्यकाल में कोई ठोस काम नहीं किया। इस पर विपक्षी विधायक और अधिक आक्रामक हो गए। सदन में तेज हुई नोकझोंक राजद विधायकों के हंगामे के बीच संसदीय कार्य मंत्री विजय चौधरी जवाब देने के लिए खड़े हुए। उन्होंने कहा कि यदि सरकार ही नहीं चलेगी तो चौकीदारों और आम लोगों की समस्याएं कौन सुनेगा। इसी दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भी अपनी सीट से उठ गए और सीधे भाई वीरेंद्र की ओर मुखातिब होते हुए कहा, 'हमलोग 2002 हैं, आपलोग कितने हैं, बेकार का हो-हल्ला मत कीजिए। आप लोगों ने कभी कोई काम नहीं किया।' हालांकि एनडीए को इस बार 202 सीटें मिली हैं, लेकिन बोलते वक्त सीएम से 2002 कहने की जुबानी चूक हो गई, जिस पर सदन में हल्की हलचल भी हुई। वेल में पहुंचे विधायक, मार्शल तैनात सीएम के बयान के बाद राजद विधायक वेल की ओर बढ़ गए। ‘नीतीश होश में आओ’ के नारे लगाए गए। स्पीकर के बार-बार अनुरोध के बावजूद हंगामा जारी रहा। स्थिति बिगड़ती देख मार्शलों को बुलाया गया। विधायकों की तख्तियां हटवाई गईं। काफी देर बाद विपक्ष अपनी सीटों पर लौटा। सरकार का बचाव और विपक्ष का आरोप विजय चौधरी ने कहा कि सरकार ने प्रदर्शन को रोका नहीं। उन्होंने दावा किया कि मांगों पर विचार किया जाएगा। सत्ता पक्ष ने लाठीचार्ज को कानून-व्यवस्था से जुड़ा कदम बताया। वहीं विपक्ष ने इसे दमनात्मक कार्रवाई करार दिया। राजद ने न्यायिक जांच की मांग दोहराई। दोनों पक्षों के रुख से टकराव और गहरा गया। बजट सत्र में अन्य मुद्दे भी चर्चा में हंगामे के बीच शिक्षा और विकास से जुड़े मुद्दे भी उठे। राज्य में डिजास्टर मैनेजमेंट की पढ़ाई शुरू करने का प्रस्ताव आया। शिक्षा मंत्री ने संबंधित संस्थानों को निर्देश देने की बात कही। स्कूलों में 40 करोड़ रुपये से सेनेट्री वेंडिंग मशीन लगाने की घोषणा हुई। इन मुद्दों पर संक्षिप्त चर्चा के बाद फिर सियासी बयानबाजी हावी रही। सदन का फोकस विकास से ज्यादा टकराव पर रहा। अमित शाह के दौरे पर भी बयानबाजी सत्र से पहले पोर्टिको में भी विपक्ष ने प्रदर्शन किया। अमित शाह के बिहार दौरे को लेकर राजद विधायक भाई वीरेंद्र ने तीखा बयान दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि शाह सांप्रदायिक माहौल बिगाड़ने आ रहे हैं। पत्रकारों के सवाल पर वह भड़कते भी नजर आए। साफ है कि विधानसभा के भीतर और बाहर दोनों जगह सियासत चरम पर है। आने वाले दिनों में यह टकराव और तेज होने के संकेत मिल रहे हैं।

CM नीतीश ने पटना में नाला निर्माण का किया निरीक्षण

पटना. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने रविवार को कुर्जी (राजीव नगर नाला) व आनंदपुरी नाला निर्माण योजना का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को तेजी से काम पूरा किए जाने का निर्देश दिया। इस नाला निर्माण योजना के अंतर्गत नाले का पक्कीकरण कर इसके ऊपर सड़क का निर्माण किया जा रहा है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि इन कार्यों को तेजी से पूर्ण करें। इन योजनाओं के पूरा होने पर जलजमाव की समस्या से निजात मिलेगी एवं नाले के ऊपर दो लेन सड़क निर्माण से लोगों को सुगम यातायात की सुविधा उपलब्ध होगी। शहर भी साफ-सुथरा और व्यवस्थित दिखेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रगति यात्रा के दौरान हमने 21 फरवरी, 2025 को पटना जिले के विकास कार्यों का जायजा लिया था और उस दौरान जिले की कई विकास योजनाओं की घोषणाएं की थीं। उसी समय आनन्दपुरी नाला तथा कुर्जी नाला (राजीव नगर नाला) का निरीक्षण किया था जिसमें काफी संख्या में स्थानीय लोग भी उपस्थित थे। उनकी समस्याओं को देखते हुए मैंने निर्देश दिया था कि इन नालों को ठीक करते हुए इसके ऊपर सड़क निर्माण किया जाए ताकि लोगों को आवागमन में सुविधा हो। खुशी है कि इस पर काम किया जा रहा है। 4.26 किलोमीटर लंबा है नाला मालूम हो कि राजीव नगर नाला पटना शहर के जल निकासी हेतु एक महत्वपूर्ण नाला है। इसकी लंबाई 4.26 किलोमीटर है, जो दीघा आशियाना रोड से प्रारंभ होकर कुर्जी ड्रेनेज पंपिंग स्टेशन पर समाप्त होता है। राजीव नगर नाले का पक्कीकरण एवं इसके ऊपर सड़क निर्माण किया जा रहा है। वहीं आनन्दपुरी नाला पटना शहर के जल निकासी हेतु एक महत्वपूर्ण नाला है। इसकी लंबाई लगभग चार किलोमीटर है, जो बाबा चौक से शुरू होकर अटल पथ एवं एएन कॉलेज के पास से राजापुर पुल ड्रेनेज पंपिंग स्टेशन पर समाप्त होता है। आनन्दपुरी नाले का पक्कीकरण एवं इसके ऊपर सड़क निर्माण किया जा रहा है। निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री के सचिव कुमार रवि, मुख्यमंत्री के विशेष कार्य पदाधिकारी गोपाल सिंह, पटना प्रमंडल के आयुक्त अनिमेष परासर, नगर आयुक्त यशपाल मीणा, जिलाधिकारी डा. त्यागराजन एस,एम, वरीय पुलिस अधीक्षक कार्तिकेय के शर्मा सहित अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित थे।

सीएम नीतीश ने दरभंगा में समृद्धि यात्रा में 50 योजनाओं की रखी आधारशिला

दरभंगा. बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार समृद्धि यात्रा के दूसरे चरण में बुधवार को दरभंगा में हैं। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने दरभंगा जिले को कई सौगातें दी हैं। सीएम ने यहां 13,682.56 लाख रुपये की लागत से 50 योजनाओं की आधारशिला रखी और 40 योजनाओं का उद्घाटन किया। मुख्यमंत्री अपनी प्रगति यात्रा के दौरान घोषित दिल्ली मोड़ पर 88.78 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे अंतरराज्यीय बस पड़ाव का भी निरीक्षण किया। इसकी पूर्णता की तिथि 14 दिसंबर 2027 निर्धारित है। मुख्यमंत्री के साथ यहां डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी और बिहार बीजेपी अध्यक्ष संजय सरावगी भी नजर आए। बिहार में भागलपुर और सीवान कोर्ट को आज ईमेल भेज कर उड़ाने की धमकी दी गई है। धमकी के मद्देनजर पुलिस काफी गहनता से इसकी पड़ताल शुरू की है। कोर्ट परिसर को खाली करवाकर चप्पे-चप्पे को खंगाला गया है। इसके अलावा पटना में आज मेट्रो सेवाएं बंद हैं। पटना मेट्रो के प्राथमिक कॉरिडोर का मलाही पकड़ी तक विस्तार होना है। इसी कारण भूतनाथ से खेमनीचक होते हुए मलाही पकड़ी तक विद्युत लाइन बिछाने के लिए बुधवार को मेट्रो का परिचालन बंद कर दिया गया है।

बिहार के मुख्यमंत्री नितीश और अधिकारीयों ने विभिन्न इलाकों का किया भ्रमण

पटना. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने नववर्ष पटना शहर के विभिन्न इलाकों का भ्रमण किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने जे0पी0 गंगा पथ तथा ईको पार्क का भ्रमण कर लोगों का अभिवादन स्वीकार किया तथा उन्हें नववर्ष की बधाई एवं शुभकामनायें दी। नववर्ष के अवसर पर ईको पार्क में बड़ी संख्या में परिवार के साथ पहुंचे लोग मुख्यमंत्री को अपने बीच पाकर काफी प्रफुल्लित हुये। मुख्यमंत्री के ईको पार्क पहुंचने की सूचना मिलते ही वहां मौजूद लोग इकट्ठा हो गये। मुख्यमंत्री को अपने करीब पाकर हर कोई इस अवसर को तस्वीर और वीडियो के जरिये अपने कैमरे में कैद किया। सभी लोगों ने हाथ हिलाकर मुख्यमंत्री का अभिवादन किया तथा उन्हें नववर्ष की हार्दिक बधाई भी दी। मुख्यमंत्री ने लोगों को अभिवादन स्वीकार किया तथा उन्हें भी नववर्ष की हार्दिक शुभकामनायें दी। भ्रमण के दौरान जल संसाधन मंत्री विजय कुमार चैधरी, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, मुख्यमंत्री के सचिव अनुपम कुमार, मुख्यमंत्री के सचिव कुमार रवि, मुख्यमंत्री के सचिव डाॅ0 चन्द्रषेखर सिंह, मुख्यमंत्री के विषेष कार्य पदाधिकारी गोपाल सिंह, पटना प्रमण्डल के आयुक्त अनिमेष परासर, जिलाधिकारी डाॅ. त्यागराजन एस0एम0 सहित पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित थे।

नीतीश कुमार ने मुजफ्फरपुर हादसे पर शोक जताया, मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना की प्रकट

मुजफ्फरपुर बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शुक्रवार को मुजफ्फरपुर जिले के मीनापुर थाना क्षेत्र में भीषण सड़क दुर्घटना में चार लोगों की मौत पर गहरी शोक संवेदना व्यक्त की है। सीएम नीतीश कुमार ने कहा कि यह दुर्घटना काफी दु:खद है। उन्होंने इस दुर्घटना में घायल लोगों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की है। मुख्यमंत्री ने दिवंगत आत्मा की चिर शान्ति तथा उनके परिजनों को दु:ख की इस घड़ी में धैर्य धारण करने की शक्ति प्रदान करने की ईश्वर से प्रार्थना की है।

JDU में चुनावी तैयारियों का संकेत, नीतीश कुमार ने की वरिष्ठ नेताओं से चर्चा

पटना बिहार चुनाव की तारीखों का ऐलान हो चुका है। सभी राजनीतिक दल चुनाव की तैयारियों में जुटे हैं। इस बीच जनता दल (यूनाइटेड) के बड़े नेताओं की एक अहम बैठक पटना में हो रही है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जदयू नेताओं की यह बैठक बुलाई है। जदयू के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय कुमार झा भी इस बैठक में शामिल हैं। एनडीए में अभी सीटों के बंटवारे का ऐलान नहीं हुआ है। सीट बंटवारे के ऐलान से पहले जदयू नेताओं की यह बैठक काफी अहम मानी जा रही है। चुनाव आयोग ने बिहार में दो चरणों 6 नवंबर और 11 नवंबर को मतदान कराने की बात कही है। वोटों की गिनती 14 नवंबर को होगी। माना जा रहा है कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार जनता दल (यूनाइटेड) के शीर्ष नेताओं के साथ सीट बंटवारे के फॉर्मूले को लेकर चर्चा कर सकते हैं। जेडीयू की इस बैठक में संजय झा भी शामिल हैं। यह भी कहा जा रहा है कि इस बैठक में संगठनात्मक ढांचे और चुनाव प्रचार की रणनीति को लेकर भी नेताओं के बीच बातचीत होगी। एनडीए में शामिल घटक दलों के बीच सीट बंटवारे का फॉर्मूला क्या होगा? अभी इसपर कुछ भी स्पष्ट नहीं है लेकिन कयास लगाए जा रहे हैं कि जेडीयू इस बार 100 से 105 सीटों पर चुनाव लड़ सकती है। बीजेपी भी इतनी ही सीटों पर अपने उम्मीदवार उतार सकती है। बता दें कि साल 2020 के विधानसभा चुनाव में जदयू ने 115 तथा भारतीय जनता पार्टी ने 110 सीटों पर चुनाव लड़ा था। उम्मीदवारों के चयन पर भी चर्चा संभव जदयू की इस बैठक में पार्टी नेता बिहार चुनाव में पार्टी प्रत्याशियों के नाम पर भी गहन विचार-विमर्श कर सकते हैं। चर्चा है कि इस बैठक में उम्मीदवारों के नाम पर मुहर लग सकती है। आपको बता दें कि हाल ही में जनसुराज पार्टी ने बिहार चुनाव के लिए अपने कुछ पार्टी प्रत्याशियों ने नामों का ऐलान किया था। जनसुराज की तरफ से कहा गया है कि 9 अक्टूबर को पार्टी उम्मीदवारों की लिस्ट जारी करेगी। प्रशांत किशोर ने खुद कहा है कि इस लिस्ट में उनका भी नाम होगा। हालांकि, वो किस विधानसभा सीट से चुनाव लड़ेंगे अभी सामने नहीं आया है। यह भी बता दें कि बिहार विधानसभा चुनाव की घोषणा में बाद NDA में सीट शेयरिंग को लेकर जेडीयू के प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा ने हाल ही में दावा किया था कि सब कुछ फाइनल हो गया है, जल्द ही घोषणा की जाएगी।

नीतीश का विकास धमाका: 331 योजनाओं का शिलान्यास, शाली को 744 करोड़ का लाभ

वैशाली बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार आज वैशाली जिले में 744 करोड़ 85 लाख रुपये की लागत से 331 विकासात्मक परियोजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन करेंगे। ये योजनाएं शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, ऊर्जा, सिंचाई और बुनियादी ढांचे से संबंधित हैं। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार प्रगति यात्रा के दौरान जिन योजनाओं की घोषणा की थी, उनका शिलान्यास और उद्घाटन आज किया जाएगा। वैशाली जिले के गोरौल और देसरी प्रखंडों में कार्यक्रम का आयोजन किया गया है। मुख्यमंत्री हवाई मार्ग से वैशाली जिले पहुंचेंगे। गोरौल प्रखंड के हरसेर गांव में डिग्री कॉलेज के निर्माण समेत कई अन्य विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन किया जाएगा। वहीं, देसरी प्रखंड स्थित एसपीएस कॉलेज परिसर में जनसंवाद कार्यक्रम आयोजित होगा, जिसमें मुख्यमंत्री योजनाओं के लाभुकों से सीधे संवाद करेंगे। गोरौल और देसरी दोनों कार्यक्रम स्थलों पर क्यूआरटी दल की तैनाती की गई है। सुरक्षा के दृष्टिकोण से बिना पहचान पत्र के किसी को प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी। कार्यक्रम के लिए बैरिकेडिंग, हेलीपैड, यातायात व्यवस्था और रोड कनेक्टिविटी की पूरी तैयारियां की गई हैं। देसरी प्रखंड के जफराबाद स्थित एसपीएस कॉलेज मैदान में महिला संवाद कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा, जिसमें लगभग 15 हजार लोगों के बैठने की व्यवस्था की गई है। मंच पर वीआईपी गेट पूरब दिशा में बनाया गया है। मुख्यमंत्री हेलीकॉप्टर से कार्यक्रम स्थल पर पहुंचेंगे और सड़क मार्ग से कार्यक्रम स्थल तक जाएंगे। आज होने वाले उद्घाटन और शिलान्यास के कार्यक्रम में शामिल परियोजनाओं में हाजीपुर नगर परिषद क्षेत्र में 129 करोड़ रुपये की लागत से स्ट्रांग वॉटर ड्रेनेज सिस्टम का निर्माण, वाया नदी की उराही कार्य के लिए 43 करोड़ 20 लाख रुपये, सदर अस्पताल वैशाली परिसर में 44 करोड़ 50 लाख रुपये की लागत से क्रिटिकल केयर ब्लॉक, ऊर्जा विभाग की चार योजनाओं के लिए 181 करोड़ 78 लाख रुपये, लालगंज-रेपुरा-साराय रोड (12.95 किमी) का चौड़ीकरण 27 करोड़ 14 लाख रुपये में, गोरौल-मथना-सौंधो-मथनामल रोड का चौड़ीकरण 19 करोड़ 51 लाख रुपये में, पनरसिया लोहा पुल से भरत चौक सिक्स लेन गंगा ब्रिज तक 4.2 किमी पहुंच पथ के लिए 14 करोड़ 82 लाख रुपये, भवन, पुस्तकालय, खेल मैदान और सड़क सहित 110 योजनाओं का शिलान्यास 122 करोड़ 14 लाख रुपये में, कृषि बाजार समिति के पुनर्विकास के लिए 40 करोड़ 43 लाख रुपये, बालक औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान IIT, हाजीपुर में 15 करोड़ 10 लाख रुपये, 132/33 केवी ग्रिड उपकेंद्र, हाजीपुर का नवीनीकरण और आधुनिकीकरण 13 करोड़ 90 लाख रुपये, और 220/132 केवी ग्रिड उपकेंद्र, हाजीपुर में 200 एमवीए ट्रांसफार्मर के निर्माण के लिए 15 करोड़ 17 लाख रुपये शामिल हैं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार सीधे जनता के बीच पहुंचकर विकास योजनाओं का लाभ सुनिश्चित करेंगे और वैशाली जिले के दोनों प्रखंडों में प्रशासनिक तैयारियों का जायजा भी लेंगे।

सीएम नीतीश ने दरभंगा में 3976 करोड़ की योजनाओं का किया शिलान्यास, जिले की तस्वीर बदलेगी

दरभंगा बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शुक्रवार को दरभंगा जिले में 3976 करोड़ की विभिन्न योजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी आज एक दिवसीय दौरे पर दरभंगा शहर के कबराघाट स्थित मिथिला संस्कृत स्नातकोत्तर अध्ययन एवं शोध संस्थान पहुंचे जहां कार्यकर्ताओं ने उनका जोरदार स्वागत किया। इस दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कुल 3976 करोड़ की योजनाओं का शिलान्यास और उदघाटन किया है। सीएम नीतीश कुमार ने इसके बाद मिथिला संस्कृत स्नातकोत्तर अध्ययन एवं शोध संस्थान परिसर का निरिक्षण किया एवं वहां के पुस्तकालय में रखी बहुमूल्य पाण्डुलिपियों का निरीक्षण किया। मुख्यमंत्री ने दरभंगा में 3463 करोड़ 20 लाख की लागत से 94 विकास योजनाओं एवं 465 करोड़ 89 लाख की लागत से सिंचाई, भवन एवं विकास संबंधी अन्य 51 योजनाओं का शिलान्यास किया है। उन्होंने 47 करोड़ 74 लाख की लागत से सिंचाई, भवन, विद्युत एवं विकास संबंधी 32 योजनाओं का उद्घाटन भी किया। इस अवसर पर जनता दल यूनाईटेड (जदयू) के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा, समाज कल्याण मंत्री मदन सहनी, राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री संजय सरावगी, स्वास्थय मंत्री मंगल पाण्डेय, सांसद गोपाल जी ठाकुर, विधायक विनय चौधरी भी मौजूद थे। उद्घाटन के बाद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार हेलीकॉप्टर से मनीगाछी के राघोपुर के लिए रवाना हो गया, जहां वह एक सभा को सम्बोधित करने वाले हैं।

CM नीतीश ने चौंकाया, सीट शेयरिंग से पहले घोषित किया उम्मीदवार

पटना/बक्सर  बिहार विधानसभा चुनाव की औपचारिक घोषणा भले ही अभी न हुई हो, लेकिन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बक्सर के राजपुर (सुरक्षित) सीट पर एनडीए उम्मीदवार का नाम घोषित कर सबको चौंका दिया है. पिछले दिनों एक जनसभा में उन्होंने पूर्व मंत्री संतोष कुमार निराला को पार्टी का उम्मीदवार बताते हुए जनता से उनके पक्ष में वोट करने की अपील की. इस कदम से सवाल उठ रहे हैं कि क्या यह नीतीश का मास्टरस्ट्रोक है या फिर उनकी मजबूरी? सीएम ने मंच से की घोषणा खास बात ये है कि नीतीश के इस ऐलान के वक्त बीजेपी कोटे के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी मंच पर मौजूद थे. नीतीश कुमार ने मंच से कहा, “कुछ ही दिन में चुनाव होने वाला है. आप लोग ध्यान दीजिएगा, इन्हें जिताइएगा.” उन्होंने जनता से बिहार को आगे बढ़ाने के लिए एनडीए को भारी संख्या में जिताने की अपील की. इसके साथ ही, उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि “कांग्रेस वाले केवल गड़बड़ करते रहे हैं.” उन्होंने बिहार में पिछले 20 सालों में हुए विकास कार्यों पर भी जोर दिया. बाद में ना बीजेपी और ना ही जेडीयू ने इसे तूल दिया. बता दें कि यह सीट पारंपरिक तौर पर जेडीयू की ही रही है. मुख्यमंत्री ने राजपुर विधानसभा और बक्सर जिले के लिए 325 करोड़ 13 लाख रुपये की 5 विकास परियोजनाओं का शिलान्यास करने पहुंचे थे. इनमें सड़कों का चौड़ीकरण, गंगा तटबंध का सुदृढ़ीकरण और ‘भारत रत्न’ उस्ताद बिस्मिल्ला खां संगीत कॉलेज की स्थापना शामिल है. 2015 में जीतकर बने थे मंत्री संतोष कुमार निराला का इस सीट से पुराना रिश्ता है. वे 2015 में जदयू-राजद गठबंधन से जीतकर परिवहन मंत्री बने थे. हालांकि, 2020 में उन्हें कांग्रेस के प्रत्याशी से हार का सामना करना पड़ा था. इस बार समय से पहले ही उनके नाम का ऐलान करना यह दिखाता है कि जदयू इस सीट पर कोई जोखिम नहीं लेना चाहती. राजपुर सुरक्षित सीट का इतिहास बताता है कि यहां मुकाबला हमेशा कड़ा होता है. मुख्यमंत्री के इस खुले समर्थन से संतोष निराला को भले ही बढ़त मिल जाए, लेकिन विपक्ष का मजबूत गणित इस लड़ाई को और भी रोचक बना सकता है. यह देखना दिलचस्प होगा कि एनडीए में सीट बंटवारे से पहले लिया गया नीतीश का यह फैसला कितना प्रभावी साबित होता है.