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टी20 वर्ल्ड कप 2026 में मैच फिक्सिंग की संभावना, ICC ने जांच शुरू की, संदिग्ध खिलाड़ी पर नजर

मुंबई  भारत और श्रीलंका की मेजबानी में हुए टी20 वर्ल्ड कप 2026 के दौरान हुए एक मैच पर फिक्सिंग के आरोप लगे हैं। इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल यानी आईसीसी की एंटी-करप्शन यूनिट इसकी जांच कर रही है। बता दें, 2026 टी20 वर्ल्ड कप का खिताब भारत ने जीता था। फाइनल में टीम इंडिया ने न्यूजीलैंड को हराकर लगातार दूसरी बार खिताब पर कब्जा जमाया था। भारत घर पर टी20 वर्ल्ड कप जीतने वाला पहला देश भी बना था। इस टूर्नामेंट के दौरान जिस मुकाबले पर मैच फिक्सिंग के आरोप लगे हैं वह मैच न्यूजीलैंड वर्सेस कनाडा का है, जो 17 फरवरी को चेन्नई के एमए चिदंबरम स्टेडियम में खेला गया था। यह घटनाक्रम कनाडा के पब्लिक ब्रॉडकास्टर CBC पर 10 अप्रैल को दिखाई गई 43 मिनट की डॉक्यूमेंट्री के बाद हुआ है, जिसका टाइटल “करप्शन, क्राइम और क्रिकेट” है, जिसमें क्रिकेट कनाडा में गवर्नेंस के मुद्दों से जुड़े कई आरोप लगाए गए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, जिस मैच पर नजर है, वह कनाडा का न्यूजीलैंड के खिलाफ ग्रुप-स्टेज का मैच है। न्यूजीलैंड के लक्ष्य का पीछा करने के पांचवें ओवर पर फोकस है, जिसे कनाडा के कप्तान दिलप्रीत बाजवा ने फेंका, जिन्हें टूर्नामेंट से ठीक तीन हफ्ते पहले कप्तान बनाया गया था। बाजवा ने एक नो-बॉल और एक वाइड से शुरुआत करने के बाद ओवर में 15 रन दिए। न्यूजीलैंड ने 174 रन के टारगेट को 15.1 ओवर में आठ विकेट बाकी रहते हासिल कर लिया, और शुरुआती ब्रेकथ्रू के बाद कोई और विकेट नहीं गंवाया। इस विवादित ओवर के अलावा, ICC कनाडा के पूर्व कोच खुर्रम चौहान से जुड़े एक रिकॉर्डेड टेलीफोन कॉल की भी जांच कर रहा है। चौहान का आरोप है कि क्रिकेट कनाडा के सीनियर बोर्ड के सदस्यों ने उन पर नेशनल टीम के लिए कुछ खास खिलाड़ियों को चुनने का दबाव डाला था। उनका यह भी दावा है कि मैच फिक्स करने की कोशिश की गई थी। ICC की एंटी-करप्शन यूनिट ने डॉक्यूमेंट्री को माना है, लेकिन ऑपरेशनल प्रोसीजर का हवाला देते हुए खास आरोपों पर कमेंट करने से मना कर दिया है। ESPNcricinfo के मुताबिक एफग्रेव ने कहा, “ACU को CBC के ब्रॉडकास्ट किए गए प्रोग्राम के बारे में पता है। अपने तय ऑपरेटिंग प्रोसीजर के हिसाब से, ACU इसमें शामिल किसी भी आरोप की असलियत पर कमेंट करने की हालत में नहीं है। ICC सदस्यों से जुड़े गवर्नेंस मामलों पर ICC अपने स्टैंडर्ड संवैधानिक प्रोसेस के अनुसार, जहां वे उसके अधिकार क्षेत्र में आते हैं, विचार करता है।”

महिला टी20 वर्ल्ड कप: ICC ने प्राइज मनी में बढ़ोतरी की, चैम्पियन को मिलेगा बड़ा इनाम

 नई दिल्ली क्रिकेट की दुनिया से बड़ी खबर सामने आई है. इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) ने सोमवार को महिला टी20 वर्ल्ड कप 2026 के लिए ₹82 करोड़ की रिकॉर्ड प्राइज मनी का ऐलान किया है. यह टूर्नामेंट दो महीने बाद इंग्लैंड और वेल्स में खेला जाएगा।  इस बार कुल इनाम राशि में 10% की बढ़ोतरी की गई है. पिछली बार UAE में खेले गए टूर्नामेंट में यह रकम करीब ₹74 करोड़ थी, जो अब बढ़कर ₹82 करोड़ हो गई है. टूर्नामेंट इस बार और बड़ा होगा, क्योंकि इसमें 12 टीमें हिस्सा लेंगी, जबकि 2024 में यह संख्या 10 थी. मुकाबले 12 जून से 5 जुलाई तक खेले जाएंगे और फाइनल ऐतिहासिक Lord’s Cricket Ground में होगा।  जानें चैम्पियन टीम को मिलेगी कितनी रकम अगर इनाम की बात करें तो चैंपियन टीम को करीब ₹21.8 करोड़ मिलेंगे, जबकि उपविजेता टीम को ₹10 करोड़ दिए जाएंगे. सेमीफाइनल में हारने वाली टीमों को भी करीब ₹6.29 करोड़ मिलेंगे. वहीं, हर ग्रुप मैच जीतने पर टीम को लगभग ₹29 लाख मिलेंगे।  ICC ने यह भी साफ किया है कि टूर्नामेंट में हिस्सा लेने वाली सभी 12 टीमों को कम से कम ₹2.06 करोड़ की गारंटी राशि मिलेगी. टूर्नामेंट का आगाज 12 जून को होगा, जहां मेजबान इंग्लैंड का मुकाबला श्रीलंका से Edgbaston में होगा।  इस मेगा इवेंट में ऑस्ट्रेलिया, भारत, पाकिस्तान, न्यूजीलैंड, दक्षिण अफ्रीका और वेस्टइंडीज जैसी बड़ी टीमें भी खिताब के लिए मैदान में उतरेंगी. कुल 33 मैच 24 दिनों में 7 अलग-अलग मैदानों पर खेले जाएंगे।  टूर्नामेंट से पहले ट्रॉफी टूर भी आयोजित किया जाएगा, जो मई में स्कॉटलैंड से शुरू होकर अलग-अलग शहरों में जाएगा और लंदन में खत्म होगा. ICC के CEO Sanjog Gupta ने कहा कि महिला क्रिकेट तेजी से आगे बढ़ रहा है और 12 टीमों के साथ यह टूर्नामेंट और ज्यादा प्रतिस्पर्धी और मजबूत बनेगा। 

ICC लगाएगी बैन, बांग्लादेश क्रिकेट में नया बखेड़ा, सरकार को दी गई चेतावनी

 नई दिल्ली  बांग्लादेश क्रिकेट में इस वक्त बड़ा विवाद खड़ा हो गया है. बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) ने सरकार को साफ चेतावनी दी है कि बोर्ड के मामलों में हस्तक्षेप से इंटरनेशनल लेवल पर गंभीर परिणाम हो सकते हैं। दरअसल, खेल मंत्रालय ने पिछले साल हुए BCB चुनाव में कथित गड़बड़ियों की जांच के लिए 5 सदस्यीय कमेटी बनाई है. इस कमेटी को 11 मार्च से 15 कार्यदिवस के भीतर अपनी रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया गया है. जांच में 'अनियमितता, हेरफेर और सत्ता के दुरुपयोग' जैसे आरोपों की पड़ताल की जाएगी। क्रिकइंफो की र‍िपोर्ट के मुताब‍िक- BCB ने अपने बयान में साफ किया कि इस मामले को लेकर इंटरनेशनल क्रिकेट काउंस‍िल (ICC) के वरिष्ठ अधिकारियों से चर्चा हो चुकी है. बोर्ड का कहना है कि किसी भी लोकतांत्रिक तरीके से चुने गए क्रिकेट बोर्ड में सरकारी दखल ICC के नियमों के खिलाफ माना जाता है, जिससे बांग्लादेश पर बैन का खतरा भी पैदा हो सकता है. इससे पहले जिम्बाब्वे और श्रीलंका जैसे देशों पर इसी वजह से कार्रवाई हो चुकी है. ध्यान रहे ICC ने पहले भी सरकारी दखल के लिए जिम्बाब्वे और श्रीलंका समेत कई क्रिकेट बोर्ड को सस्पेंड किया था। सरकार से सीधे बातचीत की मांग BCB ने कहा कि वह शिकायत करने से पहले नेशनल स्पोर्ट्स काउंसिल से सीधे बात करना चाहता है, ताकि गजट के 'इरादे और असर' को समझा जा सके. साथ ही बोर्ड ने जांच कमेटी को पूरी तरह खत्म करने की मांग भी रखी है, ताकि क्रिकेट की स्थिरता बनी रहे। तमीम इकबाल के आरोप से भड़का विवाद पूरा विवाद तब शुरू हुआ जब बांग्लादेश के पूर्व कप्तान तमीम इकबाल ने BCB अध्यक्ष अमीनुल इस्लाम पर चुनाव प्रक्रिया में दखल देने का आरोप लगाया. तमीम का दावा था कि चुनाव से पहले अमीनुल ने खेल मंत्रालय को पत्र लिखकर कुछ जिलों के काउंसलर बदलने को कहा. इसके अलावा नामांकन की तारीख दो बार बढ़ाने का भी आरोप लगाया गया. हालांकि, अमीनुल इस्लाम ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया था। चुनाव के बाद भी नहीं थमा बवाल 1 अक्टूबर को तमीम इकबाल ने अपनी उम्मीदवारी वापस ले ली थी. 6 अक्टूबर को चुनाव हुए, लेकिन इसके बाद भी विवाद थमा नहीं. ढाका क्लब अधिकारियों और कई अन्य समूहों ने चुनाव में 'इंजीनियरिंग' का आरोप लगाया. नतीजों के कुछ घंटों के भीतर ही खेल मंत्रालय को अपने एक निदेशक उम्मीदवार को वापस लेना पड़ा. उनके राजनीतिक संबंध सोशल मीडिया पर सामने आ गए। ढाका लीग का बहिष्कार BCB चुनाव के बाद हालात और बिगड़ गए. ढाका के कई क्लब (कैटेगरी-2) ने मौजूदा बोर्ड को 'गैरकानूनी' करार दिया और 2025-26 सीजन की ढाका लीग का बहिष्कार कर दिया।

भारत के लिए सबसे ज्यादा ICC ट्रॉफी जीतने वाले खिलाड़ी: अर्शदीप ने धोनी की बराबरी की, रोहित और कोहली टॉप पर

नई दिल्ली भारत के लिए सीनियर पुरुष क्रिकेट में सबसे अधिक आईसीसी ट्रॉफी किन खिलाड़ियों ने जीती है, आइए आज हम आपको इसके बारे में विस्तार से जानकारी देते हैं। इस सूची में रोहित कोहली टॉप पर हैं, जबकि धोनी के रिकॉर्ड की कई खिलाड़ियों ने बराबरी कर ली है। हाल ही में समाप्त हुए टी-20 विश्व कप में जीत के साथ अर्शदीप सिंह, अक्षर पटेल और हार्दिक पांड्या ने भारत के लिए सबसे अधिक आईसीसी ट्रॉफी जीतने वाले प्लेयर्स की सूची में रवींद्र जडेजा और महेंद्र सिंह धोनी की बराबरी कर ली है। भारत ने 8 मार्च को अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में फाइनल मुकाबले में न्यूजीलैंड को 96 रनों से हराकर विश्व क्रिकेट में नया कीर्तिमान स्थापित किया। टीम इंडिया इस विश्व कप जीत के साथ टी-20 विश्व कप के इतिहास में सबसे अधिक ट्रॉफी जीतने वाली टीम बन गई है। भारत ने टी-20 विश्व कप का खिताब तीन बार अपने नाम कर लिया है। इतना ही नहीं, पिछले कुछ सालों से भारतीय टीम का व्हाइट बॉल क्रिकेट में दबदबा देखने को मिल रहा है। मेन इन ब्लू ने पिछले 3 सालों के अंदर तीन आईसीसी खिताब जीते हैं। टीम इंडिया ने पहले तो साल 2024 में रोहित शर्मा की कप्तानी में टी-20 विश्व कप का खिताब जीता, उसके 9 महीने बाद मेन इन ब्लू ने हिटमैन की ही कप्तानी में चैंपियंस ट्रॉफी का भी खिताब अपने नाम कर लिया और अब सूर्यकुमार यादव की कप्तानी में टी-20 विश्व कप का खिताब जीता है। इन तीनों जीत में अर्शदीप सिंह, अक्षर पटेल और हार्दिक पांड्या भारतीय टीम का हिस्सा रहे और इसी के साथ इन तीनों खिलाडियों ने रवींद्र जडेजा और धोनी के बराबर आईसीसी ट्रॉफी जीत ली हैं। भारत की ओर से सबसे अधिक आईसीसी ट्रॉफी का खिताब जीतने वाले खिलाड़ियों में रोहित शर्मा और विराट कोहली टॉप पर हैं। इन दोनों खिलाड़ियों ने सीनियर क्रिकेट में चार आईसीसी ट्रॉफी जीती हैं। एक तरफ जहां रोहित शर्मा ने साल 2007 का टी-20 विश्व कप, 2013 की चैंपियंस ट्रॉफी, 2024 का टी-20 विश्व कप और 2025 की चैंपियंस ट्रॉफी का खिताब जीता है, वहीं, विराट कोहली ने 2011 का वनडे वर्ल्ड कप, 2013 की चैंपियंस ट्रॉफी, 2024 का टी-20 वर्ल्ड कप और 2025 की चैंपियंस ट्रॉफी में भारतीय टीम का हिस्सा रहे हैं और ट्रॉफी जीती है। इस सूची में दूसरे नंबर पर तीन आईसीसी ट्रॉफी के साथ अर्शदीप सिंह, रवींद्र जडेजा, हार्दिक पांड्या, अक्षर पटेल और महेंद्र सिंह धोनी हैं। एक तरफ जहां अर्शदीप, हार्दिक, अक्षर ने 2024 टी-20 वर्ल्ड कप, 2025 चैंपियंस ट्रॉफी और 2026 के टी-20 विश्व कप का खिताब जीता है, वहीं रवींद्र जडेजा ने 2013 की चैंपियंस ट्रॉफी, 2024 का टी-20 विश्व कप और 2025 की चैंपियंस ट्रॉफी जीती है और धोनी के नाम 2007 का टी-20 वर्ल्ड कप, 2011 का वनडे वर्ल्ड कप और 2013 की चैंपियंस ट्रॉफी अपने नाम की है। युवराज के नाम दो आईसीसी ट्रॉफी है। उन्होंने 2007 का टी-20 वर्ल्ड कप और 2011 का वनडे वर्ल्ड कप खिताब जीता है। बुमराह और संजू ने भी 2024 और 2026 के टी-20 विश्व कप में अपनी भूमिका निभाई है और टाइटल जीतने वाली टीम का हिस्सा रहे हैं। भारत के लिए सबसे अधिक आईसीसी ट्रॉफी जीतने वाले प्लेयर विराट कोहली, 4 ट्रॉफी- 2011 वनडे वर्ल्ड कप, 2013 चैंपियंस ट्रॉफी, 2024 टी-20 विश्व कप और 2025 चैंपियंस ट्रॉफी रोहित शर्मा, 4 ट्रॉफी- 2007 टी-20 विश्व कप, 2013 चैंपियंस ट्रॉफी, 2024 टी-20 वर्ल्ड कप और 2025 चैंपियंस ट्रॉफी महेंद्र सिंह धोनी, 3 ट्रॉफी- 2007 टी-20 विश्व कप, 2011 वनडे विश्व कप, 2013 चैंपियंस ट्रॉफी रवींद्र जडेजा, 3 ट्रॉफी- 2013 चैंपियंस ट्रॉफी, 2024 टी-20 विश्व कप, 2025 चैंपियंस ट्रॉफी अर्शदीप सिंह, 3 ट्रॉफी- 2024 टी-20 विश्व कप, 2025 चैंपियंस ट्रॉफी, 2026 टी-20 वर्ल्ड कप हार्दिक पांड्या, 3 ट्रॉफी- 2024 टी-20 विश्व कप, 2025 चैंपियंस ट्ऱॉफी, 2026 टी-20 विश्व कप अक्षर पटेल, 3 ट्रॉफी- 2024 टी-20 विश्व कप, 2025 चैंपियंस ट्ऱॉफी, 2026 टी-20 विश्व कप युवराज सिंह, 2 ट्रॉफी- 2007 टी-20 विश्व कप, 2011 वनडे वर्ल्ड कप जसप्रीत बुमराह, 2 ट्रॉफी- 2024 टी-20 विश्व कप और 2026 टी-20 विश्व कप संजू सैसमन, 2 ट्रॉफी- 2024 टी-20 वर्ल्ड कप और 2026 टी-20 वर्ल्ड कप बता दें कि सीनियर क्रिकेट में आईसीसी ट्रॉफी जीतने के साथ-साथ इनमें से कुछ खिलाड़ियों ने जूनियर क्रिकेट में अपना परचम लहराया है। विराट कोहली और रवींद्र जडेजा 2008 की अंडर 19 वर्ल्ड कप टीम का हिस्सा रहे हैं, जबकि अर्शदीप सिंह 2018 की अंडर-19 वर्ल्ड कप विनिंग टीम का हिस्सा रहे थे। जसप्रीत बुमराह चोट के कारण 2025 की चैंपियंस ट्रॉफी नहीं खेल पाए थे उनकी जगह मोहम्मद शमी को शामिल किया गया था।  

ICC अवॉर्ड की जंग दिलचस्प, Player of the Month के लिए भारत के खिलाड़ी सहित 3 बड़े नाम शॉर्टलिस्ट

नई दिल्ली ICC ने जनवरी 2026 के मेन्स प्लेयर ऑफ द मंथ के लिए डेरिल मिचेल, जो रूट और सूर्यकुमार यादव को नॉमिनेट किया। तीनों खिलाड़ियों ने हालिया सीरीज़ में शानदार प्रदर्शन किया। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) ने जनवरी के मेंस प्लेयर ऑफ द मंथ के लिए तीन धाकड़ खिलाड़ियों को नॉमिनेट किया है। इसमें भारत का भी एक खिलाड़ी शामिल है। मेंस प्लेयर ऑफ द मंथ अवॉर्ड के लिए डेरिल मिचेल, जो रूट और सूर्यकुमार यादव को शामिल किया है। इन तीनों खिलाड़ियों ने जनवरी-फरवरी 2026 में शानदार प्रदर्शन किया है। डेरिल मिचेल ने वनडे क्रिकेट में बेहतरीन प्रदर्शन किया है। वहीं जो रूट ने भी वनडे और टेस्ट में अपना दम दिखाया। जबकि टी20 में सूर्यकुमार यादव ने शानदार प्रदर्शन किया है। अब देखना होगा कि किसे प्लेयर ऑफ द मंथ का पुरस्कार मिलता है। तीनों नॉमिनेट खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया है। न्यूज़ीलैंड के स्टार बल्लेबाज डेरिल मिचेल ने साल की बेहतरीन शुरुआत करते हुए भारत के खिलाफ पांच मैचों की ODI सीरीज में अपनी टीम को 2-1 से जीत दिलाई। मिशेल ने सीरीज के दूसरे और तीसरे मैच में लगातार सेंचुरी लगाकर टीम को 0-1 से पीछे होने से बचाया। कुल 352 रन बनाने के साथ उनकी औसत 176 रही, और उन्हें प्लेयर ऑफ़ द सीरीज चुना गया। इसके अलावा मिचेल वनडे रैंकिंग में नंबर 1 पर पहुंच गए। T20I सीरीज़ में भी उन्होंने 186.56 के स्ट्राइक रेट से 125 रन बनाए और टीम को महत्वपूर्ण जीत दिलाई। रूट का शानदार प्रदर्शन इंग्लैंड के कप्तान जो रूट श्रीलंका के खिलाफ तीन मैचों की वनडे सीरीज में इंग्लैंड की कमबैक जीत के नायक रहे। रूट ने पहले मैच में 61, दूसरे में 75 और अंतिम मैच में नाबाद 111 रन बनाकर इंग्लैंड को 0-1 से पीछे होने के बाद 2-1 से सीरीज जीत दिलाई। कुल 242 रन और दो विकेट के योगदान के लिए उन्हें प्लेयर ऑफ द सीरीज चुना गया। रूट ने पहले ही एशेज 2025/26 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ अपनी काबिलियत साबित की थी, खासकर सिडनी टेस्ट की पहली पारी में 160 रन बनाकर। यह पारी इंग्लैंड के लिए काफी अहम साबित हुई थी। वर्ल्ड कप से पहले फॉर्म में लौटे सूर्यकुमार यादव भारत के स्टार बल्लेबाज सूर्यकुमार यादव आईसीसी मेन्स टी20 वर्ल्ड कप 2026 से ठीक पहले फॉर्म में लौटे। उन्होंने न्यूजीलैंड के खिलाफ पांच मैचों की T20I सीरीज में 242 रन बनाए। जिसमें उनका स्ट्राइक रेट 196.74 का रहा और टीम को 4-1 से जीत दिलाई। खासतौर पर दूसरे मैच में नाबाद 82 रन बनाकर उन्होंने भारत को न्यूजीलैंड के 208 रन का लक्ष्य मात्र 15.2 ओवर में पार करने मंक मदद की। यादव ने तीन हाफ-सेंचुरी लगाकर अपना बुरे दौर पीछे छोड़ा और टीम के लिए लगातार प्रदर्शन किया।  

भारत में T20 विश्व कप 2026: बांग्लादेशी मीडिया के लिए ICC ने सीमित कवरेज की घोषणा

नई दिल्ली अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) ने बताया है कि उसने टी20 विश्व कप 2026 के भारत में होने वाले मैचों को कवर करने के लिए बांग्लादेशी पत्रकारों के आवेदन को अस्वीकार कर दिया है। एक रिपोर्ट के मुताबिक, आईसीसी अधिकारियों ने कहा है कि बांग्लादेश की सरकार और बीसीबी ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए बांग्लादेश क्रिकेट टीम को भारत नहीं भेजने का फैसला किया था और भारत को असुरक्षित बताया था। उसी आधार पर बांग्लादेशी पत्रकारों के वीजा और एक्रिडिएशन आवेदन खारिज कर दिए गए हैं। विश्व कप का आयोजन भारत और श्रीलंका में 7 फरवरी से 6 मार्च तक होना है। आईसीसी द्वारा यह निर्णय बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड द्वारा सुरक्षा कारणों की वजह से अपनी टीम को भारत न भेजने और विश्व कप का बहिष्कार करने के फैसले के बाद लिया गया। डेली स्टार की एक रिपोर्ट के मुताबिक, कई पत्रकारों ने दावा किया कि कई बांग्लादेशी फोटो जर्नलिस्ट को शुरू में 20 और 21 जनवरी को मंजूरी वाले ईमेल मिले थे, लेकिन बाद में उनके एक्रेडिटेशन रद्द कर दिए गए। रिपोर्ट में बीसीबी मीडिया कमेटी के चेयरमैन अमजद हुसैन के हवाले से दावा किया गया है कि बांग्लादेश के 130 से 150 पत्रकारों ने एक्रेडिटेशन के लिए अप्लाई किया था। अमजद ने कहा, "जहां तक ​​मुझे पता है, सभी बांग्लादेशी पत्रकारों को रिजेक्ट कर दिया गया था। इस साल करीब 130 से 150 पत्रकारों ने आवेदन किया था, लेकिन किसी को भी एक्रेडिटेशन नहीं मिला।" सीनियर पत्रकार, आरिफुर रहमान बाबू, उन चार बांग्लादेशी रिपोर्टरों में से थे जिन्होंने 1996 के आईसीसी विश्व कप को कवर किया था, जिसे भारत, पाकिस्तान और श्रीलंका ने मिलकर होस्ट किया था। उन्होंने कहा, "भले ही कोई टीम नहीं खेल रही हो, आईसीसी एसोसिएट मेंबर देश के पत्रकारों को अभी भी एक्रेडिटेशन मिल सकता है। मुझे कोई कारण नहीं दिखता कि सभी को रिजेक्ट क्यों किया गया। मैं हैरान हूं, और मैं इस फैसले की कड़ी निंदा और विरोध करता हूं।" बांग्लादेश ने तेज गेंदबाज मुस्तफिजुर रहमान को इंडियन प्रीमियर लीग 2026 से रिलीज किए जाने के बाद सुरक्षा चिंताओं का हवाला देते हुए अपने ग्रुप-स्टेज के मैच भारत से श्रीलंका में शिफ्ट करने की मांग की थी। बांग्लादेश ने इसके अलावा आयरलैंड के साथ ग्रुप बदलने का भी सुझाव आईसीसी को दिया था। आईसीसी ने बांग्लादेश की मांग नहीं मानी और उसे अपने फैसले पर विचार करने और भारत में ही जाकर खेलने का सुझाव दिया और इस पर फैसला करने के लिए पर्याप्त समय भी दिया। बीसीबी ने आईसीसी की बात नहीं मानी और अपनी सरकार की सलाह पर सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए अपनी क्रिकेट टीम को भारत भेजने से इनकार कर दिया। इसके बाद आईसीसी ने बांग्लादेश की जगह स्कॉटलैंड को विश्व कप में शामिल किया।

बांग्लादेश का बड़ा दावा: ‘हम पाकिस्तान में खेलना चाहते थे’, ICC पर उठाए सवाल, सुरक्षा नाकामी का खंडन

  नई दिल्ली इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) ने सोमवार को संकेत दिए कि वह बांग्लादेश की उस मांग को स्वीकार करने के मूड में नहीं है, जिसमें टी20 वर्ल्ड कप 2026 के लिए भारत में होने वाले उसके मैचों का वेन्यू बदलने की बात कही गई थी. आईसीसी द्वारा कराई गई सुरक्षा समीक्षा रिपोर्ट में बांग्लादेश टीम के लिए खतरे के स्तर को 'कम' बताया गया है. आईसीसी से जुड़े सूत्रों के मुताबिक, वर्ल्ड बॉडी की रिस्क असेसमेंट रिपोर्ट में ऐसा कोई ठोस या सीधा खतरा सामने नहीं आया है, जिसके आधार पर यह कहा जाए कि बांग्लादेश टीम टूर्नामेंट में हिस्सा नहीं ले सकती. यह टूर्नामेंट 7 फरवरी से शुरू होना है और बांग्लादेश को लीग स्टेज में भारत में चार मुकाबले खेलने हैं. आईसीसी से मिल सकता है बांग्लादेश को झटका आईसीसी सूत्र ने पीटीआई से नाम न छापने की शर्त पर कहा, 'यह स्पष्ट करना जरूरी है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर के सुरक्षा विशेषज्ञों द्वारा की गई आईसीसी की स्वतंत्र जांच में यह निकला है कि बांग्लादेश भारत में अपने तय मैच बिना किसी खतरे के खेल सकता है.' सूत्र ने आगे कहा कि पूरे टूर्नामेंट के दौरान भारत में सुरक्षा जोखिम को कम से मध्यम (Low to Moderate) आंका गया है, जो दुनिया के कई बड़े खेल आयोजनों के समान ही है. बांग्लादेश की रिपोर्ट को भी किया खारिज आईसीसी की रिपोर्ट ने बांग्लादेश के खेल मंत्रालय के सलाहकार आसिफ नज़रुल के उस दावे को भी खारिज किया है, जिसमें उन्होंने कहा था कि मुस्तफिज़ुर रहमान की टीम में मौजूदगी से सुरक्षा खतरा बढ़ सकता है. रिपोर्ट के अनुसार, भारत के किसी भी वेन्यू पर बांग्लादेश टीम या अधिकारियों को लेकर कोई प्रत्यक्ष खतरा नहीं पाया गया है. आईसीसी सूत्र के मुताबिक, 'पेशेवर सलाह के आधार पर कोलकाता और मुंबई में होने वाले बांग्लादेश के मुकाबलों को लेकर जोखिम कम से मध्यम स्तर का है और ऐसा कोई संकेत नहीं है जिसे मौजूदा सुरक्षा इंतजामों के जरिए संभाला न जा सके.' आईसीसी सूत्रों का कहना है कि मौजूदा शेड्यूल में बदलाव की संभावना बेहद कम है. सूत्र ने कहा, 'आईसीसी को बीसीसीआई और स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर तैयार की जा रही सुरक्षा व्यवस्था पर पूरा भरोसा है. भारत का रिकॉर्ड बड़े अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों को सुरक्षित तरीके से कराने का रहा है.' हम पाकिस्तान में खेलना चाहते हैं टी20 वर्ल्ड कप बांग्लादेश के खेल सलाहकार आसिफ नजरुल ने एक बार फिर दोहराया है कि बांग्लादेश की राष्ट्रीय क्रिकेट टीम टी20 वर्ल्ड कप 2026 खेलने के लिए भारत नहीं जाएगी. सोमवार, 12 जनवरी को एक कार्यक्रम के दौरान नजरुल ने दावा किया कि भारत में बांग्लादेश के खिलाफ माहौल बेहद नकारात्मक है, ऐसे में टीम को वहां भेजना संभव नहीं है. आईसीसी पर भी बोला हमला आसिफ नजरुल ने इस दौरान इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) पर भी तीखा हमला बोला. उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि अगर आईसीसी वाकई एक 'वैश्विक संगठन' है, तो उसे बांग्लादेश को भारत के बाहर अपने मैच खेलने की अनुमति देनी चाहिए. खेल सलाहकार ने कहा कि बांग्लादेश श्रीलंका, पाकिस्तान या संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) में अपने मैच खेलने के लिए पूरी तरह तैयार है, लेकिन इस मुद्दे पर कोई समझौता नहीं किया जाएगा. क्या बोले बांग्लादेश के खेल सलाहकार आसिफ नज़रुल ने कहा, 'भारत में मौजूदा बेहद सांप्रदायिक हालात और बांग्लादेश विरोधी माहौल को देखते हुए, खासकर पिछले 16 महीनों से भारत में चल रहे बांग्लादेश विरोधी अभियान के कारण, हमारे लिए भारत में क्रिकेट खेलना असंभव है.' उन्होंने आगे कहा, 'मुस्तफिज़ुर की घटना वह इस बात का पुख्ता सबूत है. हमारा मानना है कि क्रिकेट पर किसी एक देश का एकाधिकार नहीं होना चाहिए. किसी टूर्नामेंट या खेल का भविष्य सिर्फ बाजार प्रबंधन के आधार पर तय नहीं किया जा सकता. अगर आईसीसी वास्तव में एक वैश्विक संस्था है और वह केवल भारत के निर्देशों पर नहीं चलती, तो उसे हमें श्रीलंका में टी20 वर्ल्ड कप खेलने का मौका देना चाहिए. हम इस मुद्दे पर किसी भी तरह का समझौता स्वीकार नहीं करेंगे.' गौरतलब है कि भारतीय क्रिकेट बोर्ड (BCCI) द्वारा मुस्तफिज़ुर रहमान का इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) कॉन्ट्रैक्ट खत्म किए जाने के बाद बांग्लादेश ने अपने टी20 वर्ल्ड कप मैचों के वेन्यू बदलने की मांग की थी. इसे भारत की कार्रवाई के जवाब में उठाया गया कदम माना गया. इसके बाद बांग्लादेश ने आईपीएल के प्रसारण पर अनिश्चितकालीन प्रतिबंध लगा दिया और आईसीसी को पत्र लिखकर अपने वर्ल्ड कप मैच भारत से बाहर कराने का अनुरोध किया. पाकिस्तान या UAE में खेलने को तैयार बांग्लादेश नज़रुल ने यह भी दावा किया कि आईसीसी कोलकाता और मुंबई से मैच हटाने के लिए तैयार है, लेकिन नए वेन्यू भारत के ही अन्य शहर बताए जा रहे हैं, जो बांग्लादेश को स्वीकार नहीं हैं. उन्होंने कहा, 'वे दो वेन्यू का प्रस्ताव दे रहे हैं, लेकिन दोनों भारत में हैं. भारत का मतलब भारत ही है. हम भारत की बात कर रहे हैं. हमने कोलकाता का ज़िक्र किया था, उसे श्रीलंका में शिफ्ट करना कोई समस्या नहीं है. अगर पाकिस्तान हमारे मैचों की मेज़बानी करना चाहता है तो कोई दिक्कत नहीं, यूएई में करवा दीजिए, कोई दिक्कत नहीं.' हालांकि, यह भी ध्यान देने वाली बात है कि खुद बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) पहले ही स्पष्ट कर चुका है कि आईसीसी ने अब तक उनके वेन्यू बदलने के अनुरोध पर कोई आधिकारिक जवाब नहीं दिया है.  

बांग्लादेश की मांग खारिज, ICC ने कहा– भारत की गैरमौजूदगी पर होगी अंक कटौती

 नई दिल्ली      टी20 वर्ल्ड कप में वेन्यू बदलने की बांग्लादेश की मांग को आईसीसी ने ठुकरा दिया है. इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (आईसीसी) ने साफतौर पर कहा कि बांग्लादेश को वर्ल्ड कप खेलने के लिए भारत आना ही होगा. अगर उसने ऐसा नहीं किया तो फिर उसके अंक कटेंगे. सूत्रों के अनुसार, आईसीसी ने बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (बीसीबी) को एक वर्चुअल बैठक के दौरान बताया कि सुरक्षा कारणों से भारत से बाहर मैच खेलने का अनुरोध अस्वीकार किया जा रहा है. बताया जा रहा है कि आईसीसी ने बीसीबी को कहा है कि बांग्लादेश को टी20 विश्व कप खेलने के लिए भारत आना होगा, अन्यथा उसे अंक गंवाने पड़ सकते हैं. दूसरी ओर, बीसीबी के सूत्रों का कहना है कि आईसीसी द्वारा अनुरोध अस्वीकार किए जाने के बारे में उन्हें कोई जानकारी नहीं दी गई है. 8 अंक का झटका और वर्ल्ड कप का खेल खत्म अगर बांग्लादेश ने भारत का दौरा नहीं किया तो बांग्लादेश को अंक गंवाने पड़ सकते हैं और भारत में होने वाले अपने सभी मैचों में उन्हें वॉकओवर देना पड़ सकता है, जिसके चलते बाकी टीमों को पूरे दो अंक मिल जाएंगे. ग्रुप स्टेज में बांग्लादेश के 4 मैच निर्धारित हैं. हालांकि श्रीलंका टूर्नामेंट का सह-मेज़बान है, लेकिन बांग्लादेश को अपने सभी ग्रुप स्टेज मुकाबले भारत में खेलने हैं. उनके चार में से तीन मैच कोलकाता में खेले जाएंगे, जबकि एक मुकाबला मुंबई में निर्धारित है. यानी उसे 8 अंक का नुकसान झेलना पड़ेगा. पहले भी हो चुका है ऐसा ऐसा पहले भी हो चुका है, जब 1996 वर्ल्ड कप में ऑस्ट्रेलिया और वेस्टइंडीज़ ने मेज़बान श्रीलंका के खिलाफ खेलने के लिए वहां यात्रा नहीं की थी. इसी तरह 2003 वर्ल्ड कप में न्यूज़ीलैंड और इंग्लैंड ने क्रमशः केन्या और ज़िम्बाब्वे का दौरा नहीं किया था, जिसके चलते दोनों टीमों को वॉकओवर देना पड़ा था. अब ऐसी ही संभावना टी20 वर्ल्ड कप 2026 के लिए भी बनती दिख रही है. वहीं, अगर बांग्लादेश टी20 वर्ल्ड कप का बहिष्कार करती है तो उसकी जगह किसी अन्य टीम को शामिल किया जा सकता है. ऐसा पहले भी हो चुका है, जब 2016 अंडर-19 वर्ल्ड कप के लिए ऑस्ट्रेलिया ने बांग्लादेश जाने से इनकार कर दिया था और उनकी जगह आयरलैंड को शामिल किया गया था. हालांकि, अगर इस तरह की स्थिति बनती है तो बांग्लादेश की जगह कौन सी टीम खेलेगी, इस पर फिलहाल कोई स्पष्टता नहीं है. बांग्लादेश के ग्रुप स्टेज मुकाबले (ग्रुप C) 7 फरवरी 2026: वेस्टइंडीज़ के खिलाफ, ईडन गार्डन्स, कोलकाता (3:00 बजे IST) 9 फरवरी 2026: इटली के खिलाफ, ईडन गार्डन्स, कोलकाता (11:00 बजे IST) 14 फरवरी 2026: इंग्लैंड के खिलाफ, ईडन गार्डन्स, कोलकाता (3:00 बजे IST) 17 फरवरी 2026: नेपाल के खिलाफ, वानखेड़े स्टेडियम, मुंबई (7:00 बजे IST) अब जानिए विवाद की पूरी कहानी दरअसल, आईपीएल की टीम केकेआर ने हाल ही में बांग्लादेशी तेज गेंदबाज मुस्तफिजुर रहमान को बीसीसीआई के कहने पर रिलीज कर दिया था. जब बीसीसीआई ने रहमान को रिलीज किया तो इस विवाद में बांग्लादेशी सरकार भी कूद पड़ी. उसने भारत में 7 फरवरी से शुरू हो रहे टी20 वर्ल्ड कप के बहिष्कार की ही धमकी दे डाली. आईसीसी को लिखे अपने पत्र में बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने कहा कि वह भारत में अपने मैच नहीं खेलेगा और उन मैचों को श्रीलंका में शिफ्ट कराने की मांग की. बांग्लादेश की ओर से तर्क दिया गया कि उनके खिलाड़ियों की सुरक्षा के लिए ऐसा करना जरूरी है. वहीं, बांग्लादेश ने खुन्नस में आकर आईपीएल के बांग्लादेश में प्रसारण पर भी रोक लगा दी थी. लेकिन अब आईसीसी ने साफ कह दिया है कि बांग्लादेश को वर्ल्ड कप मैच खेलने के लिए भारत आना ही होगा. जानिए क्या है पूरा मामला दरअसल, आईपीएल की टीम केकेआर ने हाल ही में बांग्लादेशी तेज गेंदबाज मुस्तफिजुर रहमान को बीसीसीआई के कहने पर रिलीज कर दिया था. बीसीसीआई ने ये फैसला घरेलू विरोध के चलते लिया. क्योंकि बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार को लेकर भारत के लोगों में गुस्सा है. ऐसे में कई लोगों ने रहमान को आईपीएल में 9 करोड़ से ज्यादा की रकम में खरीदने का विरोध किया था.  जब बीसीसीआई ने रहमान को रिलीज किया तो इस विवाद में बांग्लादेशी सरकार भी कूद पड़ी. उसने भारत में 7 फरवरी से शुरू हो रहे टी20 वर्ल्ड कप के बहिष्कार की ही धमकी दे डाली. आईसीसी को लिखे अपने पत्र में बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने कहा कि वह भारत में अपने मैच नहीं खेलेगा और उन मैचों को श्रीलंका में शिफ्ट कराने की मांग की. बांग्लादेश की ओर से तर्क दिया गया कि उनके खिलाड़ियों की सुरक्षा के लिए ऐसा करना जरूरी है. वहीं, बांग्लादेश ने खुन्नस में आकर आईपीएल के बांग्लादेश में प्रसारण पर भी रोक लगा दी थी. लेकिन अब आईसीसी ने साफ कह दिया है कि बांग्लादेश को वर्ल्ड कप मैच खेलने के लिए भारत आना ही होगा.  

स्निको की तकनीकी खामी से बच गए एलेक्स कैरी, एशेज में मचा बवाल

  एडिलेड ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के बीच पांच मैचों की एशेज सीरीज का तीसरा मुकाबला एडिलेड में खेला जा रहा है. ऑस्ट्रेलिया टीम टेस्ट सीरीज में 2-0 से आगे है. ये मुकाबला जीतने पर कंगारू टीम एशेज एक बार फिर अपने नाम कर लेगी. दूसरी ओर इंग्लैंड की निगाहें कमबैक करने पर हैं. एडिलेड टेस्ट में 'स्निको' तकनीक को लेकर हंगामा मच गया है, जिसके केंद्र में ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाज एलेक्स कैरी रहे. यह विवाद ऑस्ट्रेलिया की पहली पारी के 63वें ओवर में हुआ. उस ओवर में जोश टंग की पहली गेंद पर एलेक्स कैरी ने कट शॉट खेलने की कोशिश की. हालांकि इस कोशिश में वो पूरी तरह सफल नहीं हो पाए. गेंद बल्ले को हल्का स्पर्श करते हुए विकेटकीपर जेमी स्मिथ के पास गई और उन्होंने कैच पकड़ लिया. इंग्लैंड के खिलाड़ी कॉट बिहाइंड की जोरदार अपील करने लगे. हालांकि अंपायर अहसान रजा ने बैटर के पक्ष में फैसला सुनाया. इंग्लिश खिलाड़ी हैरान थे और कप्तान बेन स्टोक्स ने इंग्लैंड ने डिसीजन रिव्यू सिस्टम (DRS लिया. स्निकोमीटर पर एक स्पाइक दिखाई दी, लेकिन वह गेंद के बल्ले के पास से गुजरने से 2-3 फ्रेम पहले की थी. तीसरे अंपायर क्रिस गैफनी ने माना कि बल्ले और गेंद के बीच साफ गैप है और कोई स्पाइक नहीं है. गैफनी ने एलेकस कैरी के पक्ष में फैसला सुनाया. इस फैसले से इंग्लैंड की टीम संतुष्ट नहीं थी, साथ ही उसने एक रिव्यू भी गंवा दिया था. ईएसपीएन क्रिकइंफो के मुताबिक पहले दिन का खेल खत्म होने के बाद इंग्लैंड के हेड कोच ब्रेंडन मैकुलम और टीम मैनेजर वेन बेंटली ने मैच रेफरी जेफ क्रो से इस मुद्दे पर बातचीत की. साथ ही इंग्लैंड क्रिकेट बोर्ड (ECB) ने इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) से इस तकनीक की समीक्षा की मांग की. ICC ने क्या कदम उठाया? आईसीसी ने तकनीकी गलती को स्वीकार करते हुए इंग्लैंड का डीआरएस फिर से बहाल कर दिया. आईसीसी ने पुष्टि की कि ब्रॉडकास्ट पार्टनर BBG स्पोर्ट से बातचीत के बाद ये फैसला लिया गया.. BBG स्पोर्ट ही स्निकोमीटर तकनीक की सप्लायर कंपनी है. दिलचस्प बात यह रही कि ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाज एलेक्स कैरी ने  भी माना कि शायद गेंद बल्ले से लगी थी. कैरी ने कहा, 'मुझे ऐसा लगा कि गेंद कुछ छूकर गई है. उस समय आप सिस्टम पर भरोसा करते हैं, लेकिन ऐसा लगा कि खिलाड़ी स्क्रीन से ज्यादा जानते थे.' बीबीजी स्पोर्ट्स की ओर से कहा गया कि गलत स्टम्प माइक चुना गया था और इस गलती की पूरी जिम्मेदारी ली. कंपनी ने इसके लिए माफी भी मांगी. इस पूरे मामले पर इंग्लैंड के फास्ट बॉलिंग कोच डेविड सैकर ने भी तकनीक पर सवाल उठाए. उन्होंने कहा, 'एक दिन का खेल खत्म होने के बाद हमें इस बारे में बात नहीं करनी चाहिए. आज के समय में तकनीक इतनी बेहतर होनी चाहिए कि ऐसी चीजें साफ पकड़ में आ जाएं.' एलेक्स कैरी इस तकनीकी खामी का फायदा उठाया और शानदार 106 रन बनाए. कैरी के शानदार शतक की बदौलत ऑस्ट्रेलिया ने अपनी पहली पारी में 371 रन बनाए. उस्मान ख्वाजा (82 रन) और मिचेल स्टार्क (54 रन) के बल्ले से भी उपयोगी रन निकले. इंग्लैंड की प्लेइंग इलेवन: जैक क्राउली, बेन डकेट, ओली पोप, जो रूट, हैरी ब्रूक, बेन स्टोक्स (कप्तान), जेमी स्मिथ (विकेटकीपर), विल जैक्स, ब्रायडन कार्स, जोफ्रा आर्चर और जोश टंग. ऑस्ट्रेलिया की प्लेइंग इलेवन: ट्रेविस हेड, जेक वेदराल्ड, मार्नस लाबुशेन, उस्मान ख्वाजा, कैमरन ग्रीन, जोश इंगलिस, एलेक्स कैरी (विकेटकीपर), पैट कमिंस (कप्तान), मिचेल स्टार्क, नाथन लायन और स्कॉट बोलैंड.

टी20 सीरीज में भारत की मुश्किलें बढ़ीं, ICC ने लगाई आर्थिक पेनल्टी

नई दिल्ली भारत बनाम दक्षिण अफ्रीका रायपुर में खेले गए दूसरे वनडे में स्लो ओवर रेट बनाए रखने के लिए आईसीसी ने टीम इंडिया पर मैच फीस का 10 प्रतिशत जुर्माना लगाया है. आईसीसी ने 5 मैचों की टी20 सीरीज शुरू होने से ठीक एक दिन पहले इसकी जानकारी दी. अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट परिषद ने अपने स्टेटमेंट में बताया कि भारत पर ICC कोड ऑफ कंडक्ट फॉर प्लेयर्स एंड प्लेयर सपोर्ट पर्सनल के आर्टिकल 2.22 के तहत चार्ज लगाया गया, जो मिनिमम ओवर-रेट अपराधों से संबंधित है. आईसीसी ने बताया कि अमीरात आईसीसी एलीट पैनल के मैच रेफरी रिची रिचर्डसन ने यह सजा दी, जब केएल राहुल की टीम टाइम अलाउंस को ध्यान में रखने के बाद भी दो ओवर पीछे रह गई थी.  केएल राहुल ने मानी गलती सजा दी जाती है, तो खिलाड़ियों पर हर उस ओवर के लिए उनकी मैच फीस का पांच प्रतिशत जुर्माना लगाया जाता है जो उनकी टीम तय समय में नहीं फेंक पाती है. स्टैंड-इन कप्तान के तौर पर, KL राहुल ने आरोप स्वीकार कर लिया और सजा स्वीकार कर ली, इसलिए किसी औपचारिक सुनवाई की जरुरत नहीं पड़ी. रायपुर में हार गई थी टीम इंडिया भारत बनाम दक्षिण अफ्रीका 3 मैचों की वनडे सीरीज भारत ने 2-1 से जीत ली है, हालांकि जिस मैच के लिए टीम इंडिया को सजा मिली है उसमे मेहमान टीम ने जीत दर्ज की थी. रायपुर में खेले गए दूसरे वनडे में विराट कोहली (102) और ऋतुराज गायकवाड़ (105) ने शतक जड़ा था, जिसकी मदद से टीम इंडिया ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 358 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया था. हालांकि स्टेडियम में ओस ने अहम भूमिका थी, जिस कारण दूसरी पारी में बल्लेबाजी आसान हो गई थी. लक्ष्य का पीछा करते हुए एडन मार्क्रम ने 110 रनों की शानदार पारी खेली थी. इस मैच को जीतकर मेहमान टीम ने सीरीज बराबर कर ली थी, हालांकि निर्णायक वनडे में भारत ने दक्षिण अफ्रीका को 9 विकेट से हराकर सीरीज अपने नाम की. मंगलवार को भारत बनाम दक्षिण अफ्रीका पहला टी20 टेस्ट और वनडे के बाद अब भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच वनडे सीरीज खेली जाएगी. 5 मैचों की सीरीज का पहला वनडे मंगलवार, 9 दिसंबर को कटक के बाराबती स्टेडियम में है. मैच शाम 7 बजे से शुरू होगा. लाइव प्रसारण स्टार स्पोर्ट्स नेटवर्क और लाइव स्ट्रीमिंग जियोहॉटस्टार ऐप और वेबसाइट पर होगी.