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फरार आरोपी को कोलार से किया गिरफ्तार, अड़ीबाजी के मामले में इनाम घोषित था

कोलार में अड़ीबाजी के मामले में फरार आरोपी गिरफ्तार, घोषित किया गया था पांच हजार का इनाम भोपाल कोलार पुलिस ने मारपीट और अड़ीबाजी के मामले में तीन महीने से फरार चल रहे दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों की गिरफ्तारी पर पांच हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था।  जानकारी के अनुसार फरियादी दौलत सिंह धाकड़ (22) पिछले साल नवंबर महीने में सुबह करीब चार बजे अपने एक दोस्त को छोडऩे के लिए प्रियंका नगर कोलार रोड गया था। वापस लौटते समय वंश मेहरा और उसके दो साथियों ने रोक लिया और पूछने लगे कि यहां क्यों आए थे। दौलत ने बताया कि वह अपने दोस्त को छोडऩे आया था। इसके बाद उन्होंने शराब पीने के लिए पांच सौ रुपये की मांग की। दौलत ने जब उन्हें रुपये देने से मना किया तो उन्होंने गाली-गलौज करते हुए उसके साथ बेल्ट से मारपीट कर दी। पुलिस ने इस मामले में आरोपियों के खिलाफ मारपीट और अड़ीबाजी का मामला दर्ज किया था। पुलिस ने इस मामले में आरोपी वंश मेहरा को उसी समय गिरफ्तार कर लिया था, जबकि दो आरोपी भाग निकले थे। आरोपियों की गिरफ्तारी पर पांच हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था, जिसके बाद से एक विशेष टीम आरोपियों की तलाश में लगाई गई थी। शुक्रवार को पुलिस ने फरार आरोपी राज पथरोड़ निवासी प्रियंका नगर और शैलेंद्र सेन निवासी गरीब नगर कोलार रोड को गिरफ्तार कर लिया है।  पत्थर से हमला कर मोबाइल लूटने वाले शातिर बदमाश गिरफ्तार,आधी रात को गणेश मंदिर बस स्टाप पर हुई वारदात  पुलिस ने चंद घंटों के भीतर 2 आरोपियों को दबोचा  भोपाल। हबीबगंज इलाके में एक युवक पर पत्थर से हमला कर मोबाइल फोन लूटने वाले 2 शातिर बदमाशों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। यह घटना आधी रात को गणेश मंदिर बस स्टॉप पर उस वक्त हुई, जब फरियादी बाइक से उतरकर पैदल अपने घर लौट थे। सूचना मिलते ही पुलिस ने इलाके में लगे करीब 100 सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगालने के बाद आरोपियों को दबोच लिया। जानकारी के अनुसार अशोक कुमार तिवारी (41) ई-2 अरेरा कॉलोनी में रहते हैं। गुरुवार की रात वह अपने दोस्त और होटल मालिक अखंड मिश्रा के साथ उनकी बाइक पर बैठकर ग्यारह मील मिसरोद से अपने घर लौट रहे थे। रात करीब बारह बजे अंखड ने उन्हें गणेश मंदिर बस स्टॉप पर उतारा और अपने घर से लिए निकल गए।बाइक से उतरने के बाद अशोक कुमार पैदल-पैदल अपने घर के लिए जाने लगे। इसी दौरान दो लड़के उनके पास पहुंचे और बगैर किसी बात के गाली-गलौज करने लगे। अशोक उनकी बातों को अनसुना करते हुए आगे बढ़े, तभी एक युवक ने झपट्टा मारकर उनके हाथ से मोबाइल फोन छीनने लगा।अशोक ने जब इसका विरोद किया तो उसके साथी ने पत्थर उठाकर उनके सिर पर हमला कर दिया, जिससे उन्हें गंभीर चोट आई। उसके बाद दोनों बदमाश मोबाइल फोन छीनकर भाग निकले। पुलिस ने इस मामले में अज्ञात बदमाशों के खिलाफ मारपीट और लूटपाट का मामला दर्ज किया था।सीसीटीवी कैमरों से मिला सुराग मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपियों की तलाश में पुलिस की एक विशेष टीम बनाई गई थी। टीम ने इलाके में लगे करीब 100 सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले और बदमाशों की पहचान के प्रयास किए। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि रात को समय मोबाइल लूटने वाले दो संदेही गणेश मंदिर के पास देखा गया है। सूचना के बाद पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर उन्हें दबोच लिया। पूछताछ करने पर दोनों ने अपने नाम गोलू सनी एंथोनी (33) निवासी मद्रासी कालोनी टीटी नगर और राज विशेष उर्फ बिट्टू (24) निवासी रोहित नगर बावडिय़ा कला शाहपुरा बताया। आरोपी गोलू के खिलाफ टीटी नगर में आठ और राज के खिलाफ मिसरोद थाने में तीन अपराध पहले से दर्ज हैं।  पैसों की चाहत के चलते दिया वारदात को अंजाम  पूछताछ के दौरान आरोपियों ने बताया कि दोनों रात के समय तफरी करने के लिए निकले थे। इसी दौरान उनके मन में पैसे कमाने की लालसा हुई तो उन्होंने पैदल जा रहे व्यक्ति के साथ मारपीट कर मोबाइल फोन लूट लिया। वारदात को बाद बदमाशों ने लूटा गया मोबाइल रेलवे पटरी के पास लोहे के पाइप के अंदर छिपा दिया और उसके बाद अपने घर चले गए। पुलिस ने मोबाइल फोन जब्त कर लिया है। इनकी रही सराहनीय भूमिका लूटपाट की घटना का खुलासा और आरोपियों को गिरफ्तार करने में थाना प्रभारी संजय चौकसे, एसआई अजय दुबे, अखिलेश त्रिपाठी, शिवभानु सिंह, हेड कांस्टेबल राघवेन्द्र भास्कर, राजकुमार साहू, आरक्षक रामनरेश किरार, कंचन यादव, राकेश भारद्वाज, अरविन्द यादव, नीमेश लोट, अभिषेक मालवीय, पुष्पेन्द्र भदौरिया और शिवशंकर की सराहनीय भूमिका रही है।

जबलपुर में सरेराह भिड़ंत: वर्दीधारी पुलिसकर्मी से हुई मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल

जबलपुर  मध्य प्रदेश के जबलपुर में सरेराह वर्दीधारी पुलिसकर्मी के साथ मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इस वायरल वीडियो में दो युवक एक वर्दीधारी पुलिसकर्मी के साथ धक्का-मुक्की, गाली-गलौज और चप्पल से मारपीट करते हुए दिखाई दे रहे हैं। इस घटना के दौरान सड़क पर चलते राहगीरों की भारी भीड़ जमा हो गई। इस बीच कुछ लोगों ने बीच-बचाव का भी प्रयास किया। हालांकि विवाद की वजह अभी तक सामने नहीं आई है। घटना की सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंची पुलिस दोनों पक्षों को थाने ले आई। बताया जा रहा जिस वर्दीधारी पुलिसकर्मी से मारपीट की गई वह कोर्ट में तैनात है। वहीं पिटाई करने वाले दोनों युवक कोर्ट में ही काम करने वाली एक महिला के परिजन बताए जा रहे है। पुलिस इस मामले में जांच-पड़ताल के बाद आगे की कार्रवाई की बात कह रही है। पुलिस ने दोनों पक्षों को थाने लाकर की पूछताछ जबलपुर के ओमती थाना क्षेत्र के सिविक सेंटर में गुरुवार उस समय हड़कंप मच गया, जब एक वर्दीधारी पुलिसकर्मी की दो युवकों ने सरेराह कथित तौर पर पिटाई कर दी। इस घटना का वीडियो भी सामने आया है। इस दौरान मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई और कुछ देर के लिए मार्ग पर जाम की स्थिति बन गई। जानकारी के अनुसार, विवाद अचानक बढ़ा और मारपीट शुरू हो गई, आसपास मौजूद लोगों ने बीच बचाव का प्रयास किया और मामले की सूचना पुलिस की दी गई। सूचना मिलते ही अन्य पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे और संबंधित पक्षों को ओमती थाने ले जाया गया। हालांकि पुलिस ने अब तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि संबंधित पुलिसकर्मी किस थाने या यूनिट में पदस्थ है और विवाद की वास्तविक वजह क्या थी। ओमती थाना के एसआई श्रीराम सनोदिया ने बताया कि मामले में जांच की जा रही है। दोनों पक्षों को थाने बुलाया गया है और घटना के कारणों की पड़ताल की जा रही है। जांच के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। घटना पर क्या बोले पुलिस अधिकारी सीएसपी रितेश कुमार शिव ने बताया कि कॉन्स्टेबल का नाम रंजीत कौरव है, जो कोर्ट में तैनात है। वहीं, मारपीट के आरोपी कोर्ट में काम करने वाली एक महिला के परिजन हैं। महिला और कॉन्स्टेबल किसी काम के सिलसिले में एक ही जगह पर मौजूद थे। इसी बात को लेकर महिला के परिजन और कॉन्स्टेबल के बीच विवाद हुआ। मारपीट करने वाले दोनों युवक सिवनी जिले के रहने वाले हैं। उनसे पूछताछ की जा रही है। जांच के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

दबिश में पकड़े गए फरार आरोपी, MD ड्रग्स और दोपहिया वाहन सहित भारी मात्रा में माल मिला

पांच साल से फरार महिला और युवक मादक पदार्थ के साथ गिरफ्तार   एमडी ड्रग्स, मोबाइल और दोपहिया वाहन समेत 2 लाख का माल बरामद  भोपाल  राजधानी की क्राइम ब्रांच ने संगीन अपराध में पांच साल से फरार चल रही एक महिला और उसके साथी युवक को मादक पदार्थ के साथ गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों के पास से एमडी ड्रग्स, दो मोबाइल फोन और दोपहिया वाहन समेत करीब 2 लाख रुपये का माल बरामद किया गया है। दोनों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया है। जानकारी के अनुसार पुलिस आयुक्त संजय कुमार ने मादक पदार्थ की तस्करी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए थे। इन्हीं निर्देशों के तहत पुलिस उपायुक्त क्राइम ब्रांच अखिल पटेल और अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त शैलेंद्र सिंह चौहान ने विशेष टीम बनाकर तस्करों की तलाश में लगाया था। इस दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि भीमनगर स्थित झरनेश्वर मंदिर के पास एक महिला और एक युवक दोपहिया वाहन सहित खड़े हैं और मादक पदार्थ की बिक्री के लिए ग्राहक का इंतजार कर रहे हैं। इस सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने इलाके की घेराबंदी करने के बाद दोनों संदेहियों को हिरासत में लिया। पूछताछ करने पर 35 वर्षीय महिला निवासी अयोध्या नगर और युवक ने अपना नाम उजेर उर्फ माहिर खान (21) निवासी जहांगीराबाद बताया। तलाशी में मिली एमडी ड्रग्स पुलिस टीम संदेहियों की स्कूटर की डिग्गी की तलाशी ली तो पन्नी के अंदर क्रिस्टलनुमा ब्राउन रंग का पदार्थ रखा मिला, जिसकी पहचान एमडी ड्रग्स के रूप में हुई। वजन करने पर 5.91 ग्राम ड्रग्स पाया गया, जिसकी कीमत एक लाख अस्सी हजार रुपये बताई गई है। इसके साथ ही दोनों के पास दो मोबाइल फोन और स्कूटर भी जब्त किया गया है। जब्त हुए मादक पदार्थ और स्कूटर समेत कुल माल की कीमत दो लाख रुपये से ज्यादा बताई गई है। पांच साल से फरार चल रही थी महिला पुलिस ने बताया कि मादक पदार्थ की तस्करी में गिरफ्तार हुई महिला पिछले पांच साल से एक संगीन अपराध में फरार चल रही थी। इसके अलावा वह एक अन्य मामले में भी फरार चल रही थी। पुलिस से बचने के लिए वह अपना ठिकाना बदल-बदल कर रह रही थी। दूसरे आरोपी उजेर के खिलाफ हत्या का प्रयास और आर्म्स एक्ट का केस पहले से दर्ज है। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार करने में एसआई जसवंत सिंह, हेड कांस्टेबल कुंवर बहादुर, कुशलपाल, आरक्षक बृजमोहन व्यास, जावेद खान, अमन पटेल, घनश्याम चंद्रावत और महिला आरक्षक पूजा अग्रवाल की सराहनीय भूमिका रही है।

डेढ़ लाख रुपए और 500 ग्राम चरस के साथ दो तस्कर गिरफ्तार, क्राइम ब्रांच की बड़ी कार्रवाई

क्राइम ब्रांच ने नशे के सौदागरों पर किया प्रहार,दो गिरफ्तार  मादक पदार्थ तस्करों से डेढ़ लाख रुपए की 500 ग्राम चरस बरामद  भोपाल  राजधानी की क्राइम ब्रांच द्वारा नशे के सौदागरों के खिलाफ लगातार प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी पुलिस ने मादक पदार्थ चरस की तस्करी करने वाले दो तस्करों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास करीब 500 ग्राम चरस और मोबाइल फोन समेत डेढ़ लाख रुपए का माल बरामद किया गया है। आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत केस दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया है। जानकारी के अनुसार क्राइम ब्रांच को मुखबिर से सूचना मिली कि टीआईटी मैदान गोविंदपुरा के पास दो व्यक्ति बैठे हुए मादक पदार्थ बेचने के लिए ग्राहक का इंतजार कर रहे हैं। इनमें से एक व्यक्ति ने नीली जैकेट और काली टीशर्ट पहनी है, जबकि दूसरे व्यक्ति ने नीले काले रंग की स्वेटर पहन रखा है। मुखबिर ने यह भी बताया कि दोनों को जल्द ही नहीं पकड़ा गया तो वह गायब हो सकते हैं। यह सूचना मिलते ही क्राइम ब्रांच की एक विशेष टीम बनाकर घटनास्थल के लिए रवाना किया गया। मौके पर पहुंची पुलिस ने बताए गए हुलिए के दोनों व्यक्तियों को हिरासत में लिया। पूछताछ करने पर उन्होंने अपने नाम शेख आरिफ (44) निवासी कोठी बाजार बैतूल और राजा मियां (51) निवासी बाग फरतअफ्जा ऐशबाग बताया। पुलिस ने उनके पास मौजूद थैले की तलाशी ली तो प्लास्टिक की पन्नी में करीब 500 ग्राम चरस रखी मिली, जिसे पुलिस ने जब्त कर लिया।इसके साथ ही दोनों आरोपियों से उनके मोबाइल फोन भी जब्त किए गए हैं।आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत केस दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया है।  पहले से दर्ज हैं आपराधिक मामले  गिरफ्तार आरोपी शेख आरिफ के खिलाफ ग्वालियर के पड़ाव, भोपाल के एमपी नगर और ऐशबाग थाने में पूर्व से चोरी, छेड़छाड़ और एनडीपीएस एक्ट के तहत केस दर्ज हैं, जबकि आरोपी राजा के खिलाफ क्राइम ब्रांच और ऐशबाग थाने में एनडीपीएस एक्ट के मामले दर्ज बताए गए हैं। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार करने में एसआई कलीमुद्दीन, हेड कांस्टेबल विनोद कुमार, बीरबल रजक, आरक्षक सैयद महमूद, मनीष कौरव और महिला आरक्षक पूजा यादव की सराहनीय भूमिका रही है।

पुलिस कांस्टेबल भर्ती के फिजिकल टेस्ट का फेक नोटिस वायरल

चंडीगढ़. हरियाणा पुलिस कांस्टेबल के 5500 पदों पर भर्ती को लेकर जरूरी खबर है। भर्ती के पीएमटी और पीएसटी की डेट को लेकर हरियाणा स्टाफ सिलेक्शन कमीशन का एक नोटिस वायरल हो रहा है। इस नोटिस में डेट का उल्लेख किया गया है। हरियाणा स्टाफ सिलेक्शन कमीशन के चेयरमैन हिम्मत सिंह ने इस नोटिस को फेक बताया है। उन्होंने इसका खुलासा अपने एक्स हैंडल अकाउंट पर किया है। उन्होंने लिखा है आयोग जल्द ही जारी पीएमटी और पीएसटी की तारीख जारी करेगा। सोशल मीडिया पर पुलिस कांस्टेबल भर्ती के पीएमटी और पीएसटी के तिथि को लेकर एक गलत नोटिस प्रसारित की जा रही है। ध्यान दें कि आयोग द्वारा आधिकारिक रूप से पीएमटी और पीएसटी को लेकर किसी भी तरह की कोई तिथि की घोषणा नहीं की गई है। 

भोपाल में ईरानी डेरा पर छापा, पुलिस ने अपराधियों को धर-दबोचा, 1 करोड़ का गोल्ड जब्त

भोपाल   कानून व्यवस्था को बनाए रखने के लिए भोपाल पुलिस ने ईरानी डेरे पर बड़ा प्रहार किया है। मंगलवार और बुधवार की दरमियानी रात पुलिस की बड़ी टीम ने ईरानी डेरे पर प्रहार किया है। इस दौरान सैकड़ों पेंडिंग वारंट तामील करवाए गए हैं। साथ ही दर्जनों संदिग्ध आरोपियों को गिरफ्तार किया है। भोपाल पुलिस ने पूरे ऑपरेशन को सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया है। ईरानी डेरा अमन कॉलोनी के पास है। अलग-अलग राज्यों के अपराधी छुपे यहां भोपाल पुलिस कमिश्नर संजय कुमार के अनुसार यहां अलग-अलग जिलों और राज्यों के अपराधी छिपे हुए थे। ये उन जगहों के वांटेड क्रिमिनल थे। पुलिस ने इस ऑपरेशन के लिए डीसीपी जोन-4 मयूर खंडेलवाल के नेतृत्व में एक टीम बनाई थी। इसके बाद बेहद गोपनीय तरीके से पूरे ऑपरेशन को अंजाम दिया गया है। 400 जवान हुए शामिल वहीं, स्पेशल टीम में 9 असिस्टेंट पुलिस कमिश्नर, 16 इंस्पेक्टर और 400 पुलिस बल के जवान थे। निशातपुरा थाना क्षेत्र के अमन कॉलोनी की घेराबंदी की गई। इसे ही ईरानी डेरा भी कहा जाता है। घेराबंदी के बाद कार्रवाई शुरू की गई। इस दौरान कुछ स्थानीय लोग और महिलाओं ने इसका विरोध शुरू कर दिया। लेकिन पुलिस टीम ने सख्ती बरती और उन्हें रोक दिया गया। साथ ही कुछ लोगों को गिरफ्तार भी किया गया है। यूपी का मोस्टवांटेड शहादत भी गिरफ्तार इस कार्रवाई के दौरान भोपाल पुलिस ने 31 आदमी और 8 औरतों को गिरफ्तार किया है। इसमें शहादत भी शामिल है जो यूपी पुलिस का वांटेड क्रिमिनिल है। साथ ही उसकी गिरफ्तारी पर एक लाख रुपए से ज्यादा का इनाम है। गिरफ्तार आरोपियों कई लोग भोपाल ही नहीं, दूसरे राज्यों में भी वॉन्टेड थे। इनके पास से पुलिस ने चोरी के 17 टू-व्हीलर, 644 ग्राम सोना, 240 ग्राम चांदी, 39 मोबाइल फोन, 1.34 लाख रुपए कैश और 1.7 केजी गांजा बरामद किया है। गौरतलब है कि भोपाल पुलिस ने वारंटियों को गिरफ्तार करने के लिए पूरे शहर में अभियान चलाया था। पुलिस ने 238 परमानेंट वारंट, 125 अरेस्ट वारंट और 121 बेलेबल वारंट तामील करवाए हैं। इसके अलावे 21 दूसरे आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें फरार, गाड़ी चोर और जिले के बाहर के क्रिमिनल शामिल हैं। साथ ही गंभीर क्राइम के पेंडिंग केस में आठ लोगों को हिरासत में लिया गया है।

छोटी सी कहासुनी बनी जानलेवा, बीयर बोतल से वार कर युवक की हत्या

बीयर की बोतल से हमला कर युवक की हत्या   कंधा टकराने की बात को लेकर हुआ था विवाद   चंद्र घंटे के भीतर गिरफ्तार हुए चारों आरोपी  इंदौर जिले के विजयनगर थाना क्षेत्र में मामूली बात को लेकर चार लड़कों ने एक युवक की बीयर की बोतल मारकर हत्या कर दी। पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।विजयनगर थाना प्रभारी चंद्रकांत पटेल ने बताया कि इलाके में रहने वाले गोलू चंद्रवंशी का कंधा टकराने की बात को लेकर एक युवक से विवाद हो गया था।इसके बाद उक्त युवक ने अपने तीन अन्य साथियों के साथ मिलकर बीयर की बोतल से गोलू चंद्रवंशी पर जानलेवा हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल गोलू को ईलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां ईलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।पुलिस ने इस मामले में अखिलेश वासरे, अमोघ रैदास, आकाश कदम और वरुण श्रीनिवास को तत्काल घेराबंदी कर गिरफ्तार कर लिया है।पुलिस की टीम को देख यह चारों बदमाश नाले में कूद गए थे, जिसके कारण उन्हें गंभीर चोट आई है।आरोपियों को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

ऑपरेशन मुस्कान: राजस्थान और यूपी से 27 नाबालिगों की सकुशल बरामदी

ऑपरेशन मुस्कान के तहत पुलिस को मिली बड़ी सफलताएं   राजस्थान-उत्तर प्रदेश समेत विभिन्न जिलों से 27 नाबालिग बालक-बालिकाएं सुरक्षित बरामद  भोपाल मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा महिला एवं बाल सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए संचालित ऑपरेशन मुस्कान के अंतर्गत प्रदेश के विभिन्न जिलों में अपहृत एवं गुमशुदा नाबालिग बालक-बालिकाओं की खोज हेतु निरंतर, समन्वित एवं तकनीकी रूप से सशक्त कार्रवाई की जा रही है।इसी क्रम में पुलिस टीम ने प्रदेश के विभिन्न जिलों से 27 नाबालिग/गुमशुदा बालक-बालिकाओं को सकुशल दस्तयाब कर परिजनों के सुपुर्द किया है। जानकारी के अनुसार शिवपुरी जिले में ऑपरेशन मुस्कान के अंतर्गत कुल 5 नाबालिग बालक-बालिकाओं की दस्तयाबी की गई है। कोतवाली थाना क्षेत्र में अपहृत नाबालिग बालक को मात्र 10 घंटे के भीतर सुरक्षित दस्तयाब कर परिजनों को सुपुर्द किया गया। वहीं थाना तेंदुआ पुलिस ने दो नाबालिक बालिका एवं थाना सुभाषपुरा पुलिस ने एक अपहृत नाबालिग बालिका को जयपुर, राजस्थान से सकुशल दस्तयाब कर आरोपी को गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में पेश किया। इसके अतिरिक्त थाना नरवर पुलिस ने भी अपहृत नाबालिग बालिका को सुरक्षित दस्तयाब कर परिजनों के सुपुर्द किया।इसी प्रकार सीहोर जिले में 4 नाबालिग बालिकाओं की दस्तयाबी की गई है। थाना आष्टा, जावर, रेहटी एवं भैरूंदा पुलिस द्वारा गठित टीमों ने तकनीकी सहायता से नाबालिग बालिकाओं को सुरक्षित दस्तयाब कर परिजनों को सुपुर्द किया, साथ ही अपहरण के मामलों में आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय पेश किया गया। तीन साल की बच्ची समेत तीन नाबालिग दस्तयाब सीधी जिले की थाना कोतवाली क्षेत्र में चीता मोबाइल टीम द्वारा 3 वर्षीय मासूम बच्ची को सुरक्षित परिजनों को सौंपा गया, वहीं थाना मझौली पुलिस द्वारा महाराष्ट्र एवं गुजरात से दो नाबालिग बालिकाओं को दस्तयाब कर आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।विदिशा जिले में ऑपरेशन मुस्कान के अंतर्गत कुल 2 नाबालिग बालिकाओं को दस्तयाब किया गया। अशोकनगर जिले में थाना ईसागढ़ पुलिस द्वारा दो अलग अलग कार्रवाई करते हुए दो नाबालिग बालिकाओं को सकुशल दस्तयाब कर परिजनों से मिलाया। बैतूल जिले में ऑपरेशन मुस्कान के अंतर्गत 2 नाबालिग बालिकाओं की दस्तयाबी की गई है। उज्जैन जिले में ऑपरेशन मुस्कान के अंतर्गत थाना भाटपचलाना पुलिस द्वारा राजस्थान के सांवलियाजी से दो बालिकाओं को सकुशल दस्तयाब कर अपहरण में प्रयुक्त वाहन जप्त किया गया तथा 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।   बारह सौ किलोमीटर दूर मिली नाबालिग कटनी जिले में ऑपरेशन मुस्कान के तहत कुल 2 नाबालिग बालिकाओं की दस्तयाबी की गई है। थाना बरही पुलिस द्वारा अलग-अलग क्षेत्रों से दोनों बालिकाओं को सकुशल दस्तयाब किया गया। इसी प्रकार उमरिया जिले के थाना मानपुर पुलिस टीम ने लगभग 1200 किलोमीटर दूर सिलवासा (दादर एवं नगर हवेली) से 15 वर्षीय गुमशुदा बालिका को तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर सकुशल दस्तयाब किया। इसी प्रकार मंदसौर जिले के थाना दलौदा पुलिस ने 150 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की जांच कर लगभग 700 किलोमीटर दूर ग्रेटर नोएडा, उत्तरप्रदेश से 16 वर्षीय अपहृत नाबालिग बालिका को आरोपी के कब्जे से सकुशल दस्तयाब कर आरोपी को गिरफ्तार किया है। इधर दतिया, देवास एवं बड़वानी पुलिस ने 1-1 अपहृत नाबालिग बालिका को सुरक्षित बरामद कर परिजनों के सुपुर्द किया है।

बालाघाट पुलिस का अनोखा प्रयास: 24 थानों को बदलकर बनाया ‘न्याय सेवा सदन’, गिनीज रिकॉर्ड की तैयारी

बालाघाट पुलिस और जनता के बीच सकारात्मक संबंधों को मजबूती देने की दिशा में बालाघाट पुलिस ने अनूठी पहल की है। ये पहल बदलाव की है, जिसमें बालाघाट के सभी 24 पुलिस थानों को नए रंग-स्वरूप में परिवर्तित किया गया है। पुलिस अधीक्षक आदित्य मिश्रा का कहना है कि इस पहल का यही उद्देश्य है कि चाहे वह महिला हो, युवती हो या अन्य कोई भी व्यक्ति, वह बिना डरे थाने में जाकर अपनी शिकायत कर सके। पुलिस स्टाफ उसके साथ अच्छा व्यवहार करे, थाने सुंदर और व्यवस्थित हों। फाइलों, दस्तावेजों और रिकॉर्ड का बेहतर संधारण और डिजिटलाइजेशन हो। आइएसओ प्रमाणित किया गया जिले के सभी 24 थानों, छह एसडीओपी कार्यालय, पुलिस अधीक्षक कार्यालय तथा पुलिस लाइन बालाघाट को आइएसओ प्रमाणित किया गया है। 32 पुलिस संस्थानों को मुख्यमंत्री ने प्रदान किए प्रमाण पत्र खास बात है कि सभी थाने उन्नयन, सौंदर्यीकरण और आधुनिक सुविधाओं से परिपूर्ण हैं। ये अंतरराष्ट्रीय मापदंड पर तैयार किए गए हैं, जिन्हें सोमवार को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने आइएसओ प्रमाण पत्र भी प्रदान किए। जिले के सभी थानों और एसडीओपी कार्यालयों को महज चार महीने में नए स्वरूप में तैयार किया गया है। पहले अव्यवस्था का आलम रहता था इन संस्थानों में पहले अव्यवस्था का आलम रहता था। फाइलें धूल खाती थीं। कंप्यूटर कक्ष, मुंशी कक्ष, थाना प्रभारी कक्ष, विवेचक कक्ष, मालखाना आदि में फाइल सहित अन्य सामग्री अव्यवस्थित ढंग से रखी होती थीं, लेकिन अब इन्हें व्यवस्थित किया गया है। हर कक्ष की रंगाई-पोताई के साथ फाइलों के संधारण के लिए विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं। गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड के लिए भेजा प्रस्ताव बालाघाट पुलिस ने एक-साथ 32 पुलिस संस्थानों के आइएसओ प्रमाणीकरण की उपलब्धि को अंतरराष्ट्रीय पटल पर दर्ज कराने के लिए गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड के लिए प्रस्ताव भेजा है। बालाघाट पुलिस ने थानों के उन्नयन के लिए पांच बिंदुओं पर काम किया है। इन्हीं बिंदुओं पर आइएसओ प्रमाणीकरण हुआ है। थानों में इन पांच बिंदुओं पर किया काम 1. सैनेटाइजेशन: थाना परिसर में गंदगी को दूर किया गया। गार्डन तैयार कर परिसर में सुंदर और स्वच्छ बनाया गया। पुलिस ने सिर्फ थानों की अस्वच्छता को दूर नहीं किया बल्कि अव्यवस्थित दस्तावेज, फाइल, पुराने रिकार्ड को व्यवस्थित किया गया। 2. डिजिटाइजेशन: पुलिस ने सभी दस्तावेजों, फाइलों को फिजिकल सुरक्षित रखने के साथ इन्हें डिजिटल रूप में भी सुरक्षित किया है। ताकि कोई दस्तावेज भौतिक रूप से गुम भी हो, तो वह डिजिटल प्लेटफार्म में उपलब्ध हो और कार्रवाई में बाधा न आए। 3. आधारभूत संरचना: फरियादी के थाने पहुंचने पर उसे रिस्पेशन डेस्क उपलब्ध कराई गई है। फरियादी के लिए डे आफिसर को तैनात किया गया है। क्योंकि हर बार थाना प्रभारी थाने में हो ये संभव नहीं होता। डे आफिसर उस शिकायत पर निश्चित समय पर कार्रवाई करेगा। 4. समीक्षा बैठक कक्ष: थाना परिसर में रोज की कार्रवाइयों की समीक्षा के लिए पृथक कक्ष तैयार किया गया है। इस कक्ष में थाना प्रभारी अपने सभी विवेचकों के साथ बैठक लेंगे। जनता के साथ शांति समिति जैसी बैठकें भी कर सकेंगे। एसपी बैठक की निगरानी करेंगे। 5. साइबर सारथी: बढ़ते साइबर अपराधों को देखते हुए पुलिस ने प्रत्येक थाने में साइबर सारथी के रूप में सात पुलिसकर्मियों का स्टाफ होगा, जिन्हें प्रशिक्षण दिया जा रहा है। ये स्टाफ फंड फ्रिजिंग करेगा और लोगों को साइबर अपराध के प्रति जागरूक करेगा।  

राजधानी भोपाल में नया पुलिस थाना स्थापित, कजली खेड़ा क्षेत्र से सुरक्षा बढ़ेगी

भोपाल  राजधानी भोपाल के नगरीय क्षेत्र में एक और थाना बहुत जल्दी बढ़ने वाला है। दरअसल राज्य सरकार ने पुलिस मुख्यालय के प्रस्ताव पर कोलार के ग्रामीण क्षेत्र कजलीखेड़ा पुलिस चौकी को उन्नयन कर थाना बनाने की मंजूरी प्रदान कर चुक है। लेकिन थाना अभी तक संचालित नहीं हो सका है। भोपाल पुलिस आयुक्त संजय कुमार ने अतिरिक्त पुलिस आयुक्त अवधेश गोस्वामी, डीसीपी जोन-4 मयूर खंडेलवाल, एडीसीपी जोन-4 मलकीत सिंह के साथ कोलार थाने का निरीक्षण किया और व्यवस्थाएं देखीं।  पुलिस आयुक्त संजय कुमार ने एक-दो दिन में कजलीखेड़ा थाने को व्यवस्थाएं कर शुरू करने के निर्देश दिए हैं। पुलिस आयुक्त संजय कुमार ने कहा कि कोलार थाना क्षेत्र क्षेत्रफल की दृष्टि से बड़ा है और ग्रामीण क्षेत्र भी शामिल होने के कारण काम का बोझ अधिक है। उन्होंने कहा कि गांवों में पुलिस की तुरंत उपस्थिति के लिए कजलीखेड़ा थाने का संचालन शुरू किया जाए।  उल्लेखनीय है कि कजलीखेड़ा पहले पुलिस सहायता केंद्र था। वर्तमान में वह चौकी है। और वहां उप निरीक्षक केशांत शार्मा पदस्थ हैं। पुलिस आयुक्त ने थाना प्रभारी सहित 13 पुलिसकर्मियों को फिलहाल कोलार थाने से ही कजलीखेड़ा में पदस्थ किया जा रहा है। संभावना है कि बाद में नया थाना प्रभारी भी लाइन से भेजा जाए। पुलिस सूत्रों की मानें तो औपचारिकताएं पूरी होने के बाद फरवरी माह के अंत तक कजलीखेड़ा थाने का संचालन शुरू होने की संभावना है।  यह पुलिसकर्मी नए थाने में होंगे पदस्थ कोलार थाने से अलग होकर कजलीखेड़ा थाने में उप निरीक्षक सहित 13 पुलिसकर्मी पदस्थ किए जा रहे हैं। वर्तमान कजलीखेड़ा चौकी प्रभारी केशांत शर्मा को ही फिलहाल थाने की कमान सौंपी जा रही है। केशांत शर्मा के साथ एएसआई ⁠एएसआई रूपेश नर्रे, संतोष कुमार, ⁠प्रधान आरक्षक देवकीनंदन, सन्तोष यादव, रंजीत, महेश परमार के साथ आरक्षक रविन्द्र तोमर, रविन्द्र मालवीय, राजेश जाटव, ⁠प्रदीप यदुवंशी, ⁠जितेंद्र गुर्जर और ⁠महिला आरक्षक राधिका को नए थाने में पदस्थ करने संबंधी आदेश जारी किए गए हैं।