samacharsecretary.com

त्राहिमाम पंजाब! बाढ़ ने ली 46 जानें, डूबे हजारों गांव, लाखों किसानों की फसल तबाह

लुधियाना  पंजाब में इस समय भारी तबाही का मंजर है. लोग बेघर हो गए हैं. उनके आशियाने उजड़ गए हैं. विनाशकारी बाढ़ में कई लोगों की मौत हो गई. मौत का आंकड़ा बढ़ता जा रहा है. अधिकारियों से मिली जानकारी के मुताबिक बाढ़ में मरने वालों की संख्या बढ़कर 46 हो गई है, जबकि 1.75 लाख हेक्टेयर जमीन पर खड़ी फसलें बर्बाद हो गई हैं. NDRF, BSF, सेना, पंजाब पुलिस और जिला प्रशासन की टीमें लगातार राहत बचाव कार्यों में जुटी हुई हैं. जहां पंजाब दशकों में आई सबसे ज्यादा भीषण बाढ़ का सामना कर रहा है. वहीं हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में कम तबाही नहीं मची हुई है. भारी बारिश के कारण सतलुज, ब्यास और रावी नदियों और मौसमी नालों के उफान के चलते यह स्थिति बनी हुई है. इसके अलावा पंजाब में हुई भारी बारिश ने हालात को और गंभीर कर दिया, जिससे लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं. बांधों पर पानी का जलस्तर अधिकारियों से मिली जानकारी के मुताबिक शनिवार को पोंग बांध के जलस्तर में मामूली कमी 1,394.19 फुट दर्ज की गई. हालांकि, यह अब भी अधिकतम सीमा 1,390 फुट से चार फुट ऊपर है. शुक्रवार को बांध में पानी का प्रवाह 99,673 क्यूसेक था, जो घटकर 47,162 क्यूसेक रह गया. वहीं भाखड़ा बांध में शनिवार को जलस्तर 1,678.14 फुट दर्ज किया गया, जो शुक्रवार को 1,678.47 फुट था. सतलुज नदी पर बने इस बांध में पानी का प्रवाह 62,481 क्यूसेक और निकासी 52,000 क्यूसेक रही. पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने राज्य में बाढ़ को पांच दशकों में आई सबसे ज्यादा भीषण बताया. उन्होंने कहा कि पंजाब और पड़ोसी पहाड़ी राज्यों में लगातार हुई बारिश ने भारी तबाही मचाई हुई है, जिससे सभी जिलों के लगभग 2,000 गांव प्रभावित हुए हैं. 3.87 लाख से ज्यादा लोग प्रभावित हुए हैं और 46 मौतों की जानकारी अभी तक सामने आई है. 1 अगस्त से 5 सितंबर के बीच 14 जिलों से 43 मौतें दर्ज की गई थीं और 23 जिलों के 1,996 गांव बाढ़ से प्रभावित हुए हैं. कहां हुई सबसे ज्यादा मौतें? सबसे ज्यादा मौतें होशियारपुर और अमृतसर में 7-7 हुईं. पठानकोट में 6, बरनाला में 5, लुधियाना और बठिंडा में 4-4, मानसा में 3, गुरदासपुर, रूपनगर और एसएएस नगर में 2-2 और पटियाला, संगरूर, फाजिल्का और फिरोजपुर से 1-1 मौतें दर्ज की गईं. पठानकोट में 3 लोग लापता हैं. अधिकारियों ने बताया कि पिछले कुछ दिनों से जिले में पानी खतरनाक स्तर पर है और लगातार बाढ़ से गांवों में रहने वाले लोगों की मुश्किलें लगातार बढ़ रही हैं. अधिकारियों के मुताबिक अब तक 22,854 लोगों को प्रभावित इलाकों से निकाला जा चुका है. वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा चीमा ने कहा कि राज्य की अर्थव्यवस्था की रीढ़ कृषि क्षेत्र को 18 जिलों में भारी नुकसान हुआ है. इसके अलावा बुनियादी ढांचे मकानों और पशुओं को भी बड़ा नुकसान पहुंचा है. उन्होंने बताया कि घग्गर नदी का जलस्तर भी 750 फुट के खतरे के निशान को पार कर गया है. रेस्क्यू ऑपरेशन लगातार जारी पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने ये भी बताया कि पूरे राज्य में लगभग 200 राहत शिविर लगाए गए हैं, जहां 7,000 से ज्यादा विस्थापित लोगों को रखा गया है. NDRF की 24 और SDRF की दो टीमें, 144 बोट की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन चला रही हैं. वहीं होशियारपुर में टांडा और मुकेरियां उप-विभागों के निचले इलाकों में भारी नुकसान हुआ है, जहां धान, गन्ना और मक्का जैसी फसलों को भारी क्षति हुई है. डिप्टी कमिश्नर आशिका जैन ने कहा कि नुकसान का आकलन करने के लिए डिटेल्ड सर्वे कराया जा रहा है. उन्होंने कहा कि प्रभावित परिवारों को मुआवजा दिया जाएगा और समय पर राहत और बचाव कार्य सुनिश्चित करने के लिए सभी विभाग अच्छे से काम कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि हालात काबू में हैं. इस बीच, कपूरथला जिले के डिप्टी कमिश्नर अमित कुमार पंचाल ने बताया कि ब्यास नदी में पानी का प्रवाह 1.72 लाख क्यूसेक दर्ज किया गया है.

मऊगंज में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने व्यू प्वाइंट से देखी दूधिया जलधारा

भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रविवार को मऊगंज जिले के प्रवास पर नई गड़ी जनपद पंचायत के बहुती जल प्रपात का अवलोकन किया। इस दौरान उन्होंने वाटरफॉल के नजदीक जाकर व्यू प्वाइंट से जलप्रपात की गिरती हुई दूधिया जल धारा और वहा बनने वाले इंद्रधनुष की आभा को देखा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बहुती जल प्रपात के समीप कार्यक्रम स्थल पर गौपूजन किया। इस दौरान मुख्यमंत्री डॉ. यादव से जंगल में विचरण करने वाली गौमाताओं को अपनी एक आवाज में अपने पास बुलाने की कला रखने वाले रकरी गांव के गौसेवक सौखीलाल यादव ने भेंट की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री का प्रजापिता ब्रह्माकुमारी आश्रम की दीदीओं द्वारा सम्मान कर उन्हें स्मृति चिन्ह भेंट किए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का बहुती में हुआ पारंपरिक स्वागत मुख्यमंत्री डॉ. यादव का बहुती पहुंचने पर पारंपरिक शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय मऊगंज की लोक कला की छात्राओं ने बघेली शैली नृत्य और स्थानीय लोक कलाकारों के दल ने अहिरहाई लोकनृत्य की प्रस्तुति देकर स्वागत किया। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री श्री राजेंद्र शुक्ल, पशुपालन डेयरी राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) एवं जिले के प्रभारी मंत्री श्री लखन पटेल, विधायक सर्वश्री गिरीश गौतम, दिव्यराज सिंह और प्रदीप पटेल सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि, कमिश्नर रीवा श्री बी.एस. जामोद, आई.जी. श्री गौरव राजपूत, कलेक्टर श्री संजय जैन एवं पुलिस अधीक्षक श्री प्रजापति सहित नागरिक मौजूद थे। पर्यटक स्थल के रूप में किया जा रहा है विकसित कलेक्टर मऊगंज संजय जैन ने बताया कि बहुती जल प्रपात को पर्यटक स्थल के रूप में विकसित करने एवं जन सुविधाओं के विकास के लिए 10 करोड़ रुपए लागत की कार्ययोजना प्रस्तावित की गई है। कलेक्टर ने बातया कि बहुती प्रपात के अप स्ट्रीम में स्टॉप डैम का निर्माण प्रस्तावित है। स्टॉप डैम में जल का संचय होने से वाटर फॉल की जल धारा का बारह माह सदा अविरल प्रवाह बना रहेगा। प्रदेश का सबसे ऊँचा बहुती जल प्रपात बहुती जल प्रपात रीवा से 75 किलोमीटर दूर मऊगंज जिले में स्थित है। यह विन्ध्य क्षेत्र ही नहीं पूरे मध्यप्रदेश का सबसे ऊंचा जलप्रपात है। बहुती में सेलर नदी 650 फिट की ऊंचाई से दो धाराओं में विभक्त होकर गिरती है। नीचे सुंदर कुंड और चारों ओर घने वन हैं। बहुती में अनंत जलराशि लंबवत चट्टानों पर गिरती है। जुलाई से सितम्बर माह तक इस प्रपात का सौंदर्य अपने चरम पर होता है। प्रपात के समीप ही अष्टभुजा देवी का प्रसिद्ध मंदिर भी स्थित है। प्रयागराज और बनारस से सड़क मार्ग से सीधे जुड़ा होने से उत्तरप्रदेश से बड़ी संख्या में पर्यटक यहाँ पहुंचते हैं। इसके पास भैंसहाई में प्रागैतिहासिक काल के भित्ति चित्र मिले हैं।  

वीटा के लड्डू और पिन्नी दिल्ली में! 600 स्टोर्स पर दीवाली से पहले तैयार रहें स्वाद का मज़ा लेने

हरियाणा  दिल्लीवासी अब सिर्फ हरियाणा की ताजी सब्जियां या फल ही नहीं, बल्कि यहां के पारंपरिक स्वाद का आनंद भी उठा सकेंगे। हरियाणा डेयरी विकास सहकारी संघ (वीटा) और दिल्ली दुग्ध योजना (डीएमएस) के बीच हुए समझौते के तहत राजधानी में जल्द ही हरियाणा के मशहूर देसी घी के बेसन लड्डू और काजू पिन्नी की मिठास लोगों की थाली तक पहुंचेगी। दीवाली से पहले दिल्ली के 600 रिटेल प्वाइंट्स पर आधा दर्जन से अधिक वीटा उत्पाद उपलब्ध होंगे। हरियाणा के सहकारिता मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने कि इस समझौते से हरियाणा के वीटा ब्रांड को दिल्ली जैसे विशाल बाजार में जगह बनाने का मौका मिलेगा। उन्होंने बताया कि दूध और डेयरी उत्पादों की सबसे अधिक खपत दिल्ली में होती है और वहां के उपभोक्ता शुद्ध व गुणवत्तापूर्ण उत्पादों को खूब पसंद करते हैं। उन्होंने कहा कि हरियाणा की पहचान गुणवत्ता और शुद्धता में है। यह समझौता न केवल दिल्लीवासियों को अच्छे उत्पाद देगा, बल्कि हरियाणा के किसानों और दुग्ध उत्पादकों को भी बड़ा लाभ पहुंचाएगा। हरियाणा का स्वाद और दिल्ली की राजनीति दिल्ली और हरियाणा के बीच रिश्ते सिर्फ भौगोलिक नहीं, बल्कि स्वाद और राजनीति में भी गहरे हैं। पिछले साल दिल्ली विधानसभा चुनावों के दौरान गोहाना (सोनीपत) के मशहूर मातूराम हलवाई की जलेबियां राजनीतिक गलियारों में चर्चा का केंद्र रही थीं। अलग-अलग पार्टियों के नेताओं से लेकर आम मतदाता तक इस मिठाई के जिक्र से जुड़ते रहे। अब जब वीटा के लड्डू और पिन्नी दिल्ली के बाजार में उतरेंगे, तो माना जा रहा है कि हरियाणा की मिठास न सिर्फ थाली में बल्कि चुनावी चर्चाओं में भी जगह बना सकती है। क्या-क्या मिलेगा दिल्लीवासियों को डीएमएस के साथ सह-ब्रांडिंग में दिल्ली में वीटा के कई उत्पाद उपलब्ध होंगे। इनमें दही, पनीर, लस्सी, रबड़ी, मक्खन, काजू पिन्नी और देसी घी से बने बेसन लड्डू शामिल हैं। त्योहारों के सीजन में ये सभी उत्पाद दिल्ली दुग्ध योजना के 600 रिटेल प्वाइंट्स पर पहुंचेंगे। धीरे-धीरे सप्लाई को अन्य इलाकों तक भी बढ़ाया जाएगा। एनसीआर से होगी सप्लाई दही, लस्सी, पनीर और रबड़ी जैसे ताजे उत्पाद सीधे दिल्ली-एनसीआर स्थित वीटा प्लांट्स से सप्लाई होंगे। ट्रायल सप्लाई पहले ही शुरू हो चुकी है। लक्ष्य है कि त्योहारों से पहले बड़े पैमाने पर आपूर्ति सुनिश्चित की जाए। डॉ. शर्मा ने कहा कि दीवाली पर जब दिल्लीवासी मिठाइयों का आनंद लेंगे, तो उनमें हरियाणा के देसी घी से बने बेसन लड्डू और काजू पिन्नी की भी मिठास होगी। यह सिर्फ कारोबार नहीं, बल्कि सांस्कृतिक और राजनीतिक जुड़ाव भी है। किसानों और उत्पादकों को लाभ इस साझेदारी से हरियाणा के किसानों और दुग्ध उत्पादकों को भी बड़ा फायदा होगा। दिल्ली जैसे विशाल बाजार में एंट्री से दूध की खपत बढ़ेगी और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सीधा लाभ मिलेगा। सरकार का मानना है कि यह समझौता केवल कारोबारी लाभ नहीं, बल्कि दोनों राज्यों के बीच रिश्तों की मिठास को और गहरा करेगा। त्योहारों पर जब दिल्ली के लोग हरियाणा की लस्सी, पनीर, रबड़ी और लड्डुओं का स्वाद चखेंगे तो यह साझेदारी सांस्कृतिक जुड़ाव और राजनीतिक संवाद दोनों का हिस्सा बनेगी। अगले 15 दिन में शुगर फ्री दूध की लॉन्चिंग सहकारिता मंत्री ने बताया कि वीटा अगले 15 दिनों में शुगर फ्री बटर स्कॉच फ्लेवर्ड दूध लॉन्च करेगा। उन्होंने कहा कि यह उत्पाद मधुमेह पीड़ितों और कम मीठा पसंद करने वाले उपभोक्ताओं के लिए खास होगा। अभी वीटा इलायची, केसर, पिस्ता और बटर स्कॉच फ्लेवर में दूध की आपूर्ति कर रहा है। शुगर फ्री वेरिएंट जुड़ने से कंपनी का ग्राहक आधार और मजबूत होगा।

मिशन 2027 के लिए तैयार BSP, कांशीराम की पुण्यतिथि पर मायावती करेंगी बड़ी घोषणा

लखनऊ  बसपा सुप्रीमो मायावती मिशन-2027 को लेकर ऐक्शन मोड में हैं। कांशीराम की पुण्य की पुण्यतिथि पर 9 अक्टूबर को लखनऊ में प्रदेश स्तरीय कार्यक्रम आयोजित करने जा रही हैं। बसपा,सालों बाद इसमें अपनी ताक़त दिखाएगी। इस कार्यक्रम में मायावती के साथ आकाश आनंद भी रहेंगे। उन्होंने रविवार को पार्टी पदाधिकारियों की बैठक में तैयारियों का जायज़ा लिया और इसे सफल बनाने के निर्देश दिया। मायावती ने ज़िला से लेकर बूथ स्तर की कमेटी के गठन को लेकर चलाये गये अभियान की गहन की। लगभग 80 प्रतिशत लक्ष्य प्राप्ति पर संतोष व्यक्त करते हुये आगे बाकी बचे कार्यों के लिए नया निर्देश दिया।बैठक में बताया कि इस बार कांशीराम की पुण्यतिथि पर लखनऊ के वीआईपी रोड पर स्थित कांशीराम जी स्मारक स्थल’ में श्रद्धा-सुमन कार्यक्रम आयोजित होगा। इसमें जिसमें वे ख़ुद शामिल होकर आगे की राजनीतिक चुनौतियों से संघर्ष के लिये रूपरेखा पर भी चर्चा करेंगी। मायावती ने कहा कि ख़ासकर विरोधी पार्टियों द्वारा अन्दर-अन्दर आपस में मिलकर तथा साम, दाम, दण्ड, भेद आदि हर प्रकार के हथकण्डे अपनाकर बी.एस.पी. पार्टी, मूवमेन्ट तथा उसके आयरन लेडी नेतृत्व को कमजोर करने का षडयंत्र लगातार जारी है ताकि दलितों, आदिवासियों, पिछड़ों, मुस्लिम और अन्य धार्मिक अल्पसंख्यकों पर आधारित बहुजन समाज के लोगों को अत्यन्त कठिनाई से मिले उनके संवैधानिक और कानूनी अधिकारों से वंचित करके उन्हें लाचार और मजबूर बनाये रखा जाये तथा हर कीमत पर उन्हें शासक वर्ग बनने से रोका जाये तथा इस क्रम में उन्हें आगे बढ़ने का वैसा सुनहरा अवसर ना मिल पाये जैसाकि बी.एस.पी. की यूपी में बहनजी की रही सरकारों में सर्वसमाज के लोगों को आम तौर से तथा बहुजन समाज के लोगों को खास तौर से मिला था और प्रदेश के विकास के साथ-साथ उन सबकी तरक्की हुई थी। ट्रम्प टैरिफ नई चुनौती अमेरिका द्वारा थोपे गये भारी भरकम 50 प्रतिशत ’ट्रम्प टैरिफ’ के आतंक से उभरी नई चुनौतियों का उल्लेख करते हुए मायावती ने कहा कि इससे सही से निपटने के लिए ख़ासकर भारत व सत्ताधारी पार्टी भाजपा को व्यापक जन व देशहित का ध्यान रखते हुये अपनी नीतियों व कार्यक्रमों में ठोस व भारी सुधारवादी रवैया अपनाने की ज़रूरत है, वरना देश के विशाल बहुजनों की गरीबी, महंगाई, बेरोजगारी, अशिक्षा, घरो से दूर पलायन की विवशता आदि की समस्यायें और भी जटिल होकर देश के मान-सम्मान को भी दुनिया में प्रभावित करेंगी, जिससे बचना बहुत ज़रूरी है।  

एशिया कप 2025: आकाश चोपड़ा की भविष्यवाणी – जानिए कौन करेगा ट्रॉफी अपने नाम

नई दिल्ली एशिया कप 2025 का आगाज 9 सितंबर से यूएई में होने जा रहा है। मेजबान यूएई और भारत के अलावा इस टूर्नामेंट में पाकिस्तान, श्रीलंका, बांग्लादेश, अफगानिस्तान, ओमान और हॉन्ग-कॉन्ग की टीमें हिस्सा ले रही हैं। टूर्नामेंट के शुरू होने से पहले क्रिकेट पंडित तरह-तरह की भविष्यवाणियां कर रहे हैं। इस कड़ी में पूर्व भारतीय सलामी बल्लेबाज और मौजूदा एक्सपर्ट आकाश चोपड़ा ने टूर्नामेंट के विजेता उप-विजेता से लेकर हाईएस्ट रन स्कोरर और सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले खिलाड़ी को लेकर बड़ी भविष्यवाणी कर दी है। एशिया कप 2025 में इन 8 टीमों को 4-4 के ग्रुप में बांटा गया है। ग्रुप-ए में भारत-पाकिस्तान के साथ यूएई और ओमान है। वहीं ग्रुप-बी में श्रीलंका-अफगानिस्तान के साथ बांग्लादेश और हॉन्ग-कॉन्ग की टीमें हैं। आकाश चोपड़ा के अनुसार इस बार भी एशिया कप का खिताब टीम इंडिया ही जीतेगी, मगर फाइनल में श्रीलंका और पाकिस्तान जैसी बड़ी टीमें नहीं होगी, बल्कि भारत का खिताबी मुकाबले के लिए सामने अफगानिस्तान से होगा। अफगानिस्तान ने पिछले कुछ मल्टी नेशनल टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन किया है। आकाश चोपड़ा का मानना है कि सलामी बल्लेबाज अभिषेक शर्मा टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज रहेंगे, वहीं सबसे ज्यादा विकेट वरुण चक्रवर्ती चटकाएंगे। रही बात प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट की तो इसके लिए भी उन्होंने एक भारतीय खिलाड़ी चुना है। यह खिलाड़ी और कोई नहीं बल्कि स्टार हरफनमौला हार्दिक पांड्या है। बता दें, आगामी टी20 वर्ल्ड कप 2026 को देखते हुए एशिया कप 2025 टी20 फॉर्मेट में खेला जा रहा है। यह मात्र तीसरा मौका है जब एशिया कप इस फॉर्मेट में खेला जाएगा। 2016 में पहली बार जब एशिया कप 20-20 ओवर का हुआ था तो एमएस धोनी की अगुवाई में टीम इंडिया चैंपियन बनी थी, वहीं दूसरी बार 2022 में श्रीलंका ने खिताब उठाया था। एशिया कप 2025 के लिए भारतीय स्क्वॉड- सूर्यकुमार यादव (कप्तान), शुभमन गिल (उपकप्तान), अभिषेक शर्मा, तिलक वर्मा, हार्दिक पांड्या, शिवम दुबे, अक्षर पटेल, जितेश शर्मा (विकेटकीपर), जसप्रीत बुमराह, अर्शदीप सिंह, वरुण चक्रवर्ती, कुलदीप यादव, संजू सैमसन (विकेटकीपर), हर्षित राणा और रिंकू सिंह। स्टैंडबाय खिलाड़ी: यशस्वी जयसवाल, प्रसिद्ध कृष्णा, वॉशिंगटन सुंदर, रियान पराग, ध्रुव जुरेल।  

टिकट बुक करने से पहले पढ़ें: The Conjuring Last Rites ने 48 घंटों में कमाए ये चौंकाने वाले आंकड़े

नई दिल्ली  भारतीय बॉक्स ऑफिस पर बीते शुक्रवार को रिलीज हुई फिल्म 'द कॉन्जुरिंग – लास्ट राइट्स' को सिनेमाघरों में काफी अच्छा रिस्पॉन्स मिल रहा है। इस हॉलीवुड फिल्म का मुकाबला बॉलीवुड की 2 चर्चित फिल्मों के साथ था- पहली बागी-4 और दूसरी द बंगाल फाइल्स। लेकिन कमाई के मामले में दोनों को ही मात देते हुए 'द कॉन्जुरिंग' का ओपनिंग डे कलेक्शन 17 करोड़ 5 लाख रुपये रहा। शनिवार का फिल्म की कमाई में इजाफा हुआ और यह आंकड़ा बढ़कर 17 करोड़ 50 लाख रुपये हो गया। कितनी हुई अभी तक की कमाई रिलीज के बाद शुरुआती 2 दिनों में ही फिल्म भारतीय बॉक्स ऑफिस पर 35 करोड़ रुपये कमा चुकी है। हिंदी के साथ-साथ इसे भारत में अंग्रेजी, तमिल और तेलुगू में भी रिलीज किया गया है। हालांकि फिल्म की कमाई के आंकड़े जारी करते हुए सैकनिल्क ने अपनी एक रिपोर्ट में बताया है कि 'द कॉन्जुरिंग' को सबसे क्रेजी रिस्पॉन्स इंग्लिश वर्जन से ही मिल रहा है। पहले दिन सिर्फ अंग्रेजी वर्जन से ही इसने 10 करोड़ रुपये कमा लिए थे। वहीं तेलुगू वर्जन से फिल्म को सबसे फीका रिस्पॉन्स मिला है। देखने का प्लान कर रहे हैं तो पहले तेलुगू वर्जन से फिल्म की पहले दिन की कमाई महज 4 लाख रुपये रही थी। फिल्म को 2डी के अलावा 3डी और आईमैक्स वर्जन में भी रिलीज किया गया है। बता दें कि मिचेल चेव्स के निर्देशन में बनी यह फिल्म 'द कॉन्जुरिंग' यूनिवर्स की अंतिम कड़ी बताई जा रही है। कुल मिलाकर 2 घंटे 15 मिनट की यह फिल्म आपको इतना खौफजदा कर देगी कि शायद आप कुछ दिन तक अंधेरे में जाने से भी डरें। अगर आप भी यह फिल्म देखने जाने का प्लान कर रहे हैं तो पहले आपको 'द कॉन्जुरिंग – द डेविल मेड मी डू इट' देख लेनी चाहिए। क्योंकि वह इस फिल्म का पिछला पार्ट है जिससे नए पार्ट में कहानी जुड़ती है।

आपातकाल की चेतावनी! नायर अस्पताल के डीन को ईमेल के जरिए धमकी

मुंबई  रविवार को मुंबई शहर के नायर अस्पताल में बम धमाके की नई धमकी मिलने से पुलिस अलर्ट पर रही। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि शनिवार देर रात लगभग 11 बजे अस्पताल के डीन को एक ईमेल मिला, जिसमें अस्पताल परिसर को उड़ाने की बात कही गई थी। सूचना मिलते ही पुलिस और बम डिटेक्शन एंड डिस्पोजल स्क्वाड (BDDS) की टीमों ने मौके पर पहुंचकर कई घंटों तक तलाशी अभियान चलाया। हालांकि जांच में कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली और धमकी को झूठा घोषित कर दिया गया। यह घटना ठीक दो दिन बाद सामने आई है, जब एक फोन कॉल में दावा किया गया था कि 34 “ह्यूमन बम” 400 किलो आरडीएक्स के साथ मुंबई में अलग-अलग वाहनों में लगाए गए हैं। कॉल करने वाले ने खुद को लश्कर-ए-जिहादी संगठन का सदस्य बताया था। पुलिस ने उस समय भी व्यापक तलाशी ली थी, लेकिन धमकी झूठी साबित हुई। गणेश विसर्जन के दौरान सुरक्षा को देखते हुए मुंबई और पूरे महाराष्ट्र में पुलिस ने सुरक्षा बढ़ा दी थी। सिर्फ मुंबई में ही 21,000 से अधिक पुलिसकर्मी तैनात किए गए थे। हाल के महीनों में मुंबई को लगातार बम धमाकों की झूठी धमकियां मिल रही हैं। पिछले हफ्ते ठाणे के कलवा रेलवे स्टेशन को उड़ाने की धमकी देने वाले 43 वर्षीय व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया। अगस्त में गिरगांव स्थित इस्कॉन मंदिर को ईमेल के जरिए धमकी मिली, जो फर्जी निकली। जुलाई में छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के टर्मिनल-2 को लेकर भी ऐसी धमकी दी गई थी। पुलिस ने बताया कि नायर अस्पताल से जुड़ी धमकी पर भी मामला दर्ज कर जांच जारी है।  

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पं. गोपीनाथ कविराज की जयंती पर किया नमन

भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भारतीय संस्कृति के महान दार्शनिक, पद्मविभूषण, महामहोपाध्याय पं. गोपीनाथ कविराज की जयंती पर नमन किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि कविराज ने गहन चिंतन और साधनाओं से भारतीय संस्कृति की आत्मा को न केवल व्याख्यायित किया, बल्कि उसे आधुनिक युग की आवश्यकताओं से जोड़ने का अनुपम कार्य भी किया। उल्लेखनीय है कि गोपीनाथ कविराज महान संस्कृत विद्वान, दार्शनिक एवं लेखक थे। उन्होंने बनारस हिंदू विश्वविद्यालय में अध्यापन भी किया और संस्कृत साहित्य और दर्शन पर कई पुस्तकें लिखीं। उन्हें उनके कार्यों के लिए पद्म विभूषण और साहित्य अकादमी फेलोशिप सहित कई पुरस्कारों से सम्मानित किया गया। भारत सरकार द्वारा उनके सम्मान में एक स्मारक डाक टिकिट भी जारी किया गया है।  

भारी भीड़ और बिजली का खतरा: मुंबई में गणपति विसर्जन के दौरान हादसा, 5 अस्पताल में भर्ती

मुंबई  महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में गणपति विसर्जन जुलूस के दौरान रविवार को एक दुखद घटना घटी। रास्ते में लटक रहा बिजली का तार मूर्ति को टच कर गया, जिससे 6 भक्त घायल हो गए और उन्हें निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। अस्पताल लाए जाने पर एक व्यक्ति को डॉक्टर्स ने मृत घोषित कर दिया, जिसकी पहचान 36 वर्षीय बिनु सुकुमारन कुमरन के तौर पर हुई है। बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) के अनुसार, बाकी पांच घायल भक्तों का अस्पताल में इलाज चल रहा है। स्थानीय पुलिस अधिकारियों ने बताया कि यह घटना साकीनाका इलाके में खैरानी रोड पर सुबह करीब 10.45 बजे हुई, जब बिजली का एक तारगणपति की मूर्ति को छू गया। अधिकारी ने बताया कि 5 घायलों (सुभांशु कामत, तुषार गुप्ता, धर्मराज गुप्ता, करण कनौजिया और अनुष गुप्ता) को पैरामाउंट अस्पताल में भर्ती कराया गया और उनकी हालत स्थिर बताई गई है। राज्य में बड़े पैमाने पर बप्पा को विदाई देने के दौरान कुछ जगहों से हादसों की भी खबर आई। पालघर में गणेश प्रतिमा विसर्जन के दौरान तीन लोग बह गए थे। हालांकि, उन्हें बचा लिया गया। विसर्जन शोभायात्रा के दौरान भारतीय तटरक्षक बल के एक हेलीकॉप्टर और मुंबई पुलिस के ड्रोन ने हवाई निगरानी बनाए रखी। गणेश मंडलों की प्रतिमाओं का विसर्जन लालबागचा राजा सहित प्रमुख सार्वजनिक गणेश मंडलों की प्रतिमाओं को विसर्जन के लिए ले जाए जाने की शोभायात्राएं अनंत चतुर्दशी के अवसर पर शनिवार को शुरू हुईं और रात भर जारी रहीं। ये प्रतिमाएं रविवार तड़के समुद्र तट पर पहुंची जिसके बाद विसर्जन संबंधी प्रक्रिया प्रारंभ हुई। लालबागचा राजा सहित सार्वजनिक मंडलों की कम से कम आधा दर्जन गणपति प्रतिमाओं का विसर्जन गिरगांव चौपाटी पर किया जा रहा है। इसके पूरा होने में कुछ समय लगने की संभावना है। लालबागचा राजा की मूर्ति को एक विशेष रूप से निर्मित मंच पर ले जाने के प्रयास जारी हैं और फिर उसे विसर्जन के लिए गहरे समुद्र में ले जाया जाएगा।  

भारतीय एजेंट जेसन मिलर ने ट्रंप से की मुलाकात, मोदी सरकार के हित में कर रहे लॉबिंग

वाशिंगटन भारत और अमेरिका के बीच चल रहे टैरिफ विवाद के बीच जानी-मानी राजनीतिक लॉबिस्ट और डोनाल्ड ट्रंप के करीबी सहयोगी जेसन मिलर ने अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप से मुलाकात की है। मिलर वही लॉबिस्ट हैं जिन्हें कुछ महीने पहले भारत सरकार ने ट्रंप प्रशासन तक अपनी कूटनीतिक पहुंच मजबूत करने के लिए नियुक्त किया था। जेसन मिलर ने एक्स पर राष्ट्रपति ट्रंप संग अपनी तस्वीर साझा करते हुए लिखा, “वॉशिंगटन में शानदार सप्ताह बिताया। सबसे खास रहा हमारे राष्ट्रपति को ऐक्शन में देखने का मौका।” सार्वजनिक खुलासों के अनुसार मिलर भारतीय हितों की वकालत करने वाले रजिस्टर्ड विदेशी एजेंट हैं। भारत सरकार ने अप्रैल 2024 में उनकी लॉबिंग फर्म एसएचडब्ल्यू पार्टनर्स एलएलसी को नियुक्त किया था। इस अनुबंध के तहत भारत हर महीने फर्म को 1.5 लाख डॉलर करीब 1.25 करोड़ रुपये फीस देती है। एक साल का यह अनुबंध 1.8 मिलियन डॉलर करीब 15 करोड़ रुपये का है। फर्म को अमेरिकी सरकार, कांग्रेस, थिंक टैंक और अन्य संस्थानों के साथ भारत से जुड़े मुद्दों पर रणनीतिक सलाह और सरकारी संपर्क बढ़ाने का काम सौंपा गया है। ट्रंप के भरोसेमंद सहयोगी जेसन मिलर ट्रंप के पुराने राजनीतिक सहयोगी हैं और 2016 के राष्ट्रपति चुनाव में उनके मुख्य मीडिया प्रवक्ता के तौर पर सुर्खियों में आए थे। उन्हें वाइट हाउस का कम्युनिकेशंस डायरेक्टर बनना था, लेकिन निजी विवादों के चलते पद संभालने से पहले ही रेस से हटना पड़ा। उन पर ट्रंप कैंपेन की एक अन्य अधिकारी से संबंध और यौन उत्पीड़न के आरोप भी लगे। विवादों के बावजूद वे ट्रंप के करीबी बने रहे और 2020 व 2024 के चुनावों में भी अहम सलाहकार की भूमिका निभाई। मुलाकात का आधिकारिक एजेंडा सामने नहीं आया है, लेकिन यह बैठक ऐसे समय हुई है जब भारत-अमेरिका व्यापारिक संबंधों में फिर से खींचतान बढ़ी है। दोनों देशों के बीच टैरिफ व आर्थिक रणनीतियों पर चर्चा हो रही है।