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प्रकृति संरक्षण के संकल्प के साथ आगे बढ़ना होगा : उच्च शिक्षा मंत्री परमार

अपनी रसोई को आयुर्वेद से जुड़ी सामग्रियों से पुनः समृद्ध करने की आवश्यकता मंत्री परमार ने "कर्तव्यवीर सम्मान एवं स्थापना दिवस समारोह" में विभिन्न प्रतिभाओं को सम्मानित किया भोपाल  उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा एवं आयुष मंत्री श्री इन्दर सिंह परमार ने कहा है कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुसरण में मध्यप्रदेश, रोजगारपरक, गुणवत्तापूर्ण एवं भारत केंद्रित शिक्षा की ओर आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि वसुधैव कुटुंबकम् ही भारत का मूल दृष्टिकोण है। हमारा भाव है कि विश्व एक परिवार है, विश्व कभी बाजार नहीं हो सकता है। इसी भाव से प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत ने कोविड के भीषण संकटकाल में, विभिन्न देशों को वैक्सीन उपलब्ध कराई थी। यह बात मंत्री श्री परमार ने रविवार को भोपाल के श्यामला हिल्स स्थित गांधी भवन में, मीणा समाज शक्ति संगठन द्वारा आयोजित सामाजिक "कर्तव्यवीर सम्मान एवं स्थापना दिवस समारोह" में सहभागिता कर कही। मंत्री श्री परमार ने कहा कि मीणा समाज, प्रकृति के सर्वाधिक निकट प्रकृति पूजक समाज है। उन्होंने संगठन के 17वें स्थापना दिवस की शुभकामनाएं दी और मीणा समाज की विभिन्न प्रतिभाओं को सम्मानित किया। मंत्री श्री परमार ने कहा कि कृतज्ञता, भारत की परम्परा, सभ्यता एवं विरासत है। हमारे पूर्वजों ने प्रकृति एवं प्राकृतिक ऊर्जा स्रोतों जल, सूर्य एवं वृक्ष आदि के संरक्षण के लिए कृतज्ञता के भाव से श्रद्धा रूप में परम्परा एवं मान्यता स्थापित की थीं। श्री परमार ने कहा कि यह पूर्वजों द्वारा स्थापित पीढ़ी दर पीढ़ी स्थानांतरित ज्ञान है। हमें प्रकृति के संरक्षण के संकल्प के साथ आगे बढ़ने की आवश्यकता है। मंत्री श्री परमार ने सभी से युगानुकुल परिप्रेक्ष्य में स्वस्थ रहने की दृष्टि से प्लास्टिक मुक्त सामाजिक परिवेश के संकल्प में सहभागी बनने की अपील की। श्री परमार ने कृषि एवं दुग्ध उत्पादन में रासायनिक उत्पादों के कम से कम उपयोग करते हुए, जैविक खेती एवं शुद्धता की ओर बढ़ने के लिए भी आह्वान किया। मंत्री श्री परमार ने कहा कि भारत की गृहणियों की रसोई में कोई तराजू नहीं होता है, गृहिणियों को भोजन निर्माण के लिए किसी संस्थान में अध्ययन करने की आवश्यकता नहीं होती है। भारतीय गृहिणियों में रसोई प्रबंधन का उत्कृष्ट कौशल, नैसर्गिक एवं पारम्परिक रूप से विद्यमान है। भारत की रसोई, विश्वमंच पर प्रबंधन का उत्कृष्ट आदर्श एवं श्रेष्ठ उदाहरण है। श्री परमार ने कहा कि भारतीय रसोई, आयुर्वेद का केंद्र हुआ करती थी, पुनः हमें अपनी रसोई को आयुर्वेद से जुड़ी सामग्रियों से समृद्ध करने की आवश्यकता है। मंत्री श्री परमार ने कहा कि हम सभी की सहभागिता से, अपने पूर्वजों के ज्ञान के आधार पर पुनः विश्वमंच पर सिरमौर राष्ट्र का पुनर्निर्माण होगा। इसके लिए स्वाभिमान के साथ हर क्षेत्र में अपने परिश्रम और तप से आगे बढ़कर, विश्वमंच पर अपनी मातृभूमि का परचम लहराना होगा। अपनी गौरवशाली सभ्यता, भाषा, इतिहास, ज्ञान और विज्ञान के आधार पर, हम सभी की सहभागिता से भारत पुनः "विश्वगुरु" बनेगा। भारत अपने पुरुषार्थ से, वर्ष 2047 तक ऊर्जा एवं खाद्यान्न के क्षेत्र में भी आत्मनिर्भर होगा और विश्व के अन्य देशों की पूर्ति में सामर्थ्यवान देश बनेगा। इस अवसर पर सबलगढ़ विधायक श्रीमति सरला बिजेंद्र रावत, राजस्थान से पधारी समाज सेविका एवं मिस इंडिया (2019) सुश्री जया मीणा, सहायक पुलिस आयुक्त जहांगीराबाद (भोपाल) सुश्री सुरभि मीणा, सोशल मीडिया इन्फ्लूएंसर श्री नीरज मीणा एवं संगठन के प्रदेशाध्यक्ष श्री राम घुनावत सहित समाज के वरिष्ठजन, संगठन के विभिन्न पदाधिकारीगण एवं सामाजिक बंधु-भगिनी एवं युवा उपस्थित थे। 

20 जिलों में सियासी संग्राम: प्रचार थमा, अब जनता की बारी

पटना  बिहार विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के लिए प्रचार का शोर रविवार शाम 6 बजे थम गया। अब पूरी बागडोर जनता के हाथों में है, जो सोमवार 11 नवंबर को मतदान करके यह तय करेगी कि सत्ता की कुर्सी पर कौन बैठेगा। बिहार चुनाव के दूसरे इस चरण में 20 जिलों की 122 विधानसभा सीटों पर वोटिंग होगी। इनमें 101 सामान्य, 19 अनुसूचित जाति और 2 अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित सीटें शामिल हैं। कुल 3 करोड़ 70 लाख 13 हजार 556 मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे। इस चरण में प्रत्येक बूथ पर औसतन 815 मतदाता दर्ज हैं, जो शांतिपूर्ण मतदान की उम्मीद को संतुलित रखते हैं। प्रचार के अंतिम दिन सियासत पूरी गरमी पर रही। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, महागठबंधन की तरफ से सीएम का चेहरा तेजस्वी प्रसाद यादव, और लोजपा (रामविलास) प्रमुख चिराग पासवान समेत तमाम बड़े नेताओं ने ताबड़तोड़ रैलियां कर जनता का रुख अपने पक्ष में मोड़ने की कोशिश की। मोदी की सभाओं में भीड़ उमड़ी तो नीतीश ने अपने विकास कार्य गिनाए। तेजस्वी ने रोजगार को मुद्दा बनाया और युवाओं से जुड़ने की कोशिश की, वहीं चिराग ने एनडीए के अंदर अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराने का प्रयास किया। प्रचार में आरोप-प्रत्यारोप और वादों की बारिश ने चुनावी माहौल को गरमा दिया। किस सीट पर कितनी टक्कर दूसरे चरण में तीन सीटों पर सबसे ज्यादा 22-22 उम्मीदवार मैदान में हैं, जिसमें कैमूर का चैनपुर, रोहतास का सासाराम और गया शहर शामिल है। वहीं, लौरिया, चनपटिया, रक्सौल, सुगौली, त्रिवेणीगंज और बनमनखी ऐसी सीटें हैं, जहां केवल 5-5 प्रत्याशी चुनाव लड़ रहे हैं। इससे कुछ सीटों पर सीधा मुकाबला तो कुछ पर बहुकोणीय लड़ाई देखी जा सकती है। क्या है वोटरों का पूरा गणित पुरुष मतदाता 1,95,44,041, महिला मतदाता 1,74,68,572, जबकि थर्ड जेंडर के 943 मतदाता भी लोकतंत्र के इस पर्व में हिस्सा लेंगे। युवा निर्णायक भूमिका में दिख रहे हैं। 18-29 वर्ष के 84.84 लाख वोटर और 30-40 वर्ष के 1.04 करोड़ 97 हजार वोटर चुनाव का रुख बदले बिना नहीं रहेंगे। पहली बार वोट डालने वाले 7,69,356 फ्लोटिंग वोटर किसी भी सीट पर समीकरण बिगाड़ सकते हैं। इसके अलावा, 43 एनआरआई, 6,255 सौ वर्ष से अधिक उम्र, 4,87,219 (80+), 4,04,615 दिव्यांगजन और 63,373 सेवा मतदाता भी चुनाव प्रक्रिया को मजबूती देंगे। बूथों पर सख्त निगरानी वोटिंग के लिए 45,399 बूथ तैयार किए गए हैं। इनमें 595 महिला संचालित, 91 दिव्यांगजन संचालित और 316 मॉडल बूथ शामिल हैं। इस चरण में सभी बूथों पर वेबकास्टिंग की जाएगी, ताकि निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव सुनिश्चित हो सके।  

योजना एवं आर्थिक सांख्यिकी विभाग की मुहिम, हर विवाह का होगा पंजीयन

सामूहिक विवाह में कार्यक्रम स्थल पर ही प्रमाण-पत्र देने का सुझाव भोपाल देव उठनी एकादशी के साथ ही विवाहों का सिलसिला प्रारंभ हो गया है। विवाहों के शत-प्रतिशत पंजीयन के लिये प्रदेश के सभी कलेक्टरों को निर्देश जारी किये गये हैं। यह योजना एवं आर्थिक सांख्यिकी विभाग की एक सराहनीय पहल है। इससे विवाहों का शत-प्रतिशत पंजीयन हो सकेगा, जिससे भविष्य में दंपत्ति को कानूनी अड़चनों का सामना नहीं करना पड़ेगा। उल्लेखनीय है कि मध्यप्रदेश विवाह रजिस्ट्रेशन नियम 2008 के अनुसार राज्य के भीतर भारत के नागरिकों के बीच किसी भी विधि या रुढि़ के अधीन सत्यापित किये गये विवाह का पंजीयन किया जाता है। विवाहों का पंजीयन नहीं होने पर विशेष तौर पर महिलाओं को कई प्रकार की परेशानियों का सामना करना पड़ता है। पति की मृत्यु के बाद उनको मिलने वाले स्वत्वों के भुगतान आदि में परेशानी होती है। आयुक्त आर्थिक एवं सांख्यिकी श्री विकास मिश्रा ने बताया है कि विवाह पंजीयन के लक्ष्य को शत-प्रतिशत प्राप्त करने हेतु प्रदेश के समस्त कलेक्टरों का ध्यान आकृष्ट किया गया है। जिलों में आयोजित होने वाले मुख्यमंत्री कन्यादान योजना, मुख्यमंत्री निकाह योजना एवं अन्य सामूहिक विवाहों में कार्यक्रम स्थल पर ही विवाह प्रमाण पत्र प्रदान किये जाने का सुझाव दिया गया है। आयुक्त श्री मिश्रा ने सामूहिक विवाह कराने वाली सभी संस्थाओं से जागरूकता बढ़ाने मुहिम में बढ़-चढकर हिस्सा लेने की अपील की है। स्थानीय निकायों, सार्वजनिक स्थलों, शादी हॉल और मैरिज गार्डन में अनिवार्य रूप से विवाह पंजीयन करवाने संबंधी होर्डिंग लगाने के निर्देश जारी किये गये हैं।  

धामी ने राज्य स्थापना दिवस पर शुभकामनाओं के लिए मोदी का आभार जताया

देहरादून, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को राज्य स्थापना की 25वीं वर्षगांठ पर शुभकामनाओं के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का प्रदेश की जनता की ओर से आभार जताया है। प्रधानमंत्री मोदी ने उत्तराखंड के प्रदेशवासियों को बधाई देते हुए एक्स पर लिखा, “उत्तराखंड की स्थापना की 25वीं वर्षगांठ पर राज्य के मेरे सभी भाई-बहनों को अनेकानेक शुभकामनाएं। प्रकृति की गोद में बसी हमारी यह देवभूमि आज पर्यटन के साथ-साथ हर क्षेत्र में प्रगति की नई रफ्तार भर रही है। प्रदेश के इस विशेष अवसर पर मैं यहां के विनम्र, कर्मठ और देवतुल्य लोगों की सुख-समृद्धि, सौभाग्य और उत्तम स्वास्थ्य की कामना करता हूं।” इसके प्रत्युत्तर में मुख्यमंत्री धामी ने एक्स पर लिखा, “आदरणीय प्रधानमंत्री जी, उत्तराखंड राज्य स्थापना के रजत जयंती वर्ष पर आपकी स्नेहपूर्ण शुभकामनाओं एवं आशीर्वाद के लिए समस्त प्रदेशवासियों की ओर से हार्दिक आभार। आपके दूरदर्शी नेतृत्व और सतत मार्गदर्शन में उत्तराखंड अपनी विकास यात्रा में उल्लेखनीय उपलब्धियाँ अर्जित कर रहा है। आपकी प्रेरणा से उत्तराखंड ने अग्रणी राज्यों की श्रेणी में शामिल होकर सुशासन, जनकल्याण और सर्वांगीण विकास के क्षेत्र में नए आयाम स्थापित किए हैं।” उन्होंने आगे लिखा, “आपका सान्निध्य हमें सशक्त, समृद्ध और आत्मनिर्भर उत्तराखंड के लक्ष्य की प्राप्ति के लिए निरंतर प्रेरित करता है।” उल्लेखनीय है कि आज उत्तराखंड अपनी स्थापना का रजत जयंती महोत्सव मना रहा है। जिसमें स्थानीय वन अनुसंधान संस्थान (एफआरआई) परिसर में एक भव्य समारोह आयोजित किया जा रहा है। जिसे प्रधानमंत्री श्री मोदी संबोधित करेंगे। कार्यक्रम में लगभग पचहत्तर हजार लोगों के बैठने की व्यवस्था की गई है। प्रधानमंत्री इस अवसर पर, 8140 करोड़ रुपए से अधिक की विभिन्न विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे। ये परियोजनाएँ मुख्यतः पेयजल, सिंचाई, तकनीकी शिक्षा, ऊर्जा, शहरी विकास, खेल और कौशल विकास जैसे क्षेत्रों से संबंधित हैं। इसके अलावा, प्रधानमंत्री दो प्रमुख जलविद्युत क्षेत्र से संबंधित परियोजनाओं का शिलान्यास भी करेंगे। श्री मोदी “प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना” के तहत 28,000 से अधिक किसानों के खातों में 62 करोड़ रुपये की राशि भी सीधे जारी करेंगे। प्रधानमंत्री उत्तराखंड राज्य गठन की रजत जयंती समारोह में दोपहर लगभग 12:30 बजे पहुंचेंगे। इस अवसर पर वे एक स्मारक डाक टिकट भी जारी करेंगे और जनसभा को संबोधित करेंगे।  

आतंकी खतरे की आशंका से जाफर एक्सप्रेस की सेवा स्थगित, बलूचिस्तान में बढ़ी सुरक्षा

इस्लामाबाद  पाकिस्तान रेलवे ने बलूचिस्तान में सुरक्षा चिंताओं के मद्देनजर क्वेटा और पेशावर के बीच जाफर एक्सप्रेस की सेवाओं को रविवार से चार दिनों के लिए निलंबित कर दिया है। कुछ महीने पहले इस ट्रेन पर हुए हमले में 26 लोग मारे गए थे। रेलवे अधिकारियों ने बताया कि 9 से 12 नवंबर तक इस रेलगाड़ी की सेवा निलंबत करने का अस्थायी फैसला सुरक्षा और खुफिया एजेंसियों की सलाह पर एहतियातन लिया गया, ताकि यात्रियों, रेलवे कर्मचारियों, नागरिकों और महत्वपूर्ण रेल संपत्तियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस कदम से हजारों यात्री प्रभावित होंगे, जो दोनों शहरों के बीच परिवहन के सबसे किफायती साधन के रूप में जाफर एक्सप्रेस पर निर्भर हैं। हाल के महीनों में जाफर एक्सप्रेस को विद्रोहियों और उग्रवादियों द्वारा बार-बार निशाना बनाया गया है, जिसमें मार्च में हुआ सबसे भीषण हमला शामिल है। मार्च में, प्रतिबंधित बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी (बीएलए) ने 380 यात्रियों से भरी जाफर एक्सप्रेस को हाईजैक कर लिया था। यह गतिरोध दो दिनों तक बना रहा और सुरक्षाबलों के साथ मुठभेड़ में 26 यात्रियों की जान चली गई थी और 33 अन्य विद्रोही मारे गए थे।   

राज्यभर में पुलिस महकमे में फेरबदल: 23 एडिशनल एसपी बदले गए, देखें आपके जिले में कौन तैनात हुआ

लखनऊ उत्तर प्रदेश सरकार ने रविवार को पुलिस विभाग में बड़ा फेरबदल किया है। प्रदेश में 23 एडिशनल एसपी (अपर पुलिस अधीक्षक) के तबादले किए गए हैं। गृह विभाग ने इसकी सूची जारी कर दी है। नए आदेश के अनुसार, बी.एस. वी. कुमार को उपसेनानायक, 47वीं वाहिनी पीएसी गाजियाबाद बनाया गया है। सच्चिनानंद को अपर पुलिस अधीक्षक एसएसएफ मुख्यालय लखनऊ में तैनाती मिली है। डॉ. संजय कुमार को उपसेनानायक, 27वीं वाहिनी पीएसी, सीतापुर भेजा गया है। इन अफसरों का भी हुआ तबादला इसके अलावा सुबोध गौतम को अपर पुलिस अधीक्षक (पूर्वी), हरदोई बनाया गया है। नृपेंद्र को अपर पुलिस उपायुक्त, कमिश्नरेट वाराणसी नियुक्त किया गया है।निवेश कटियार को अपर पुलिस अधीक्षक, यूपी 112 लखनऊ में तैनात किया गया है और दिनेश कुमार पुरी को अपर पुलिस अधीक्षक (दक्षिणी), गोरखपुर भेजा गया है। वहीं, संतोष कुमार द्वितीय का गोरखपुर तबादला निरस्त कर दिया गया है, वे अब मुख्यालय पुलिस महानिदेशक कार्यालय में ही रहेंगे। सीताराम को अपर पुलिस अधीक्षक (विधि प्रकोष्ठ) मुख्यालय, लखनऊ बनाया गया है। इन अधिकारियों को भी मिली नई जिम्मदारी आदेश के मुताबिक, सिद्धार्थ वर्मा को कुशीनगर में एएसपी के रूप में तैनाती दी गई है। सुमित शुक्ला को शामली भेजा गया है। ज्ञानेंद्र नाथ प्रसाद को अपर पुलिस अधीक्षक (उत्तरी), गोरखपुर बनाया गया है। अशोक कुमार सिंह को अपर पुलिस अधीक्षक (नगर), बहराइच तैनात किया गया है। राजकुमार सिंह को ईओडब्ल्यू लखनऊ भेजा गया है। संतोष कुमार सिंह को अपर पुलिस अधीक्षक (सुरक्षा), गोरखपुर बनाया गया है। जितेंद्र कुमार श्रीवास्तव को अपर पुलिस अधीक्षक सीआईडी, लखनऊ नियुक्त किया गया है। रामानंद कुशवाहा को अपर पुलिस अधीक्षक हाथरस बनाया गया है। जितेंद्र कुमार प्रथम को यूपी पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड में एएसपी के रूप में भेजा गया है। इन जिलों में भी हुई नई तैनातियां वहीं, चिरंजीव मुखर्जी को अपर पुलिस उपायुक्त, कमिश्नरेट प्रयागराज बनाया गया है। श्वेताभ पांडेय को अपर पुलिस अधीक्षक (नगर), एटा में तैनाती दी गई है।आलोक कुमार जायसवाल को अपर पुलिस अधीक्षक, फतेहगढ़ बनाया गया है। शैलेंद्र कुमार श्रीवास्तव को अपर पुलिस अधीक्षक (यातायात), सहारनपुर भेजा गया है। डॉ. राकेश कुमार मिश्र को अपर पुलिस अधीक्षक (नगर), गाजीपुर में तैनाती दी गई है। सरकार के इस आदेश के बाद कई जिलों में पुलिस प्रशासन में नई तैनातियां हो गई हैं।

बड़ी घोषणा: पंजाब के स्टूडेंट्स को मिलेगा GOLDEN CHANCE, जानें कैसे मिलेगा फायदा

पटियाला श्री गुरु तेग बहादुर जी के 350वें शहीदी दिवस के अवसर पर पंजाबी विश्वविद्यालय ने छात्रों के लिए 'गोल्डन चांस' योजना की घोषणा की है। इसका उद्देश्य उन छात्रों को दोबारा परीक्षा देने का मौका देना है जिन्होंने अपनी पढ़ाई अधूरी छोड़ दी थी। विश्वविद्यालय ने घोषणा की है कि इस योजना के तहत छात्रों को 53 हजार रुपये की फीस देनी होगी और इसके लिए फॉर्म भरने की आखिरी तारीख 15 नवंबर है। इस सुनहरे अवसर के लिए, ओड सेमेस्टर यानी 1, 3 और 5 विषयों के पेपर दिसंबर 2025 में और ईवन सेमेस्टर यानी 2, 4 और 6 विषयों के पेपर मई 2026 में आयोजित किए जाएंगे, लेकिन इस सुनहरे अवसर को लेकर छात्रों में विरोध है। छात्र इतनी ज्यादा फीस को लेकर निराश हैं और विश्वविद्यालय के खिलाफ अपना विरोध जता रहे हैं। वहीं विश्वविद्यालय का तर्क है कि इस सुनहरे अवसर के लिए शुल्क कई वर्षों से चला आ रहा है और इसमें कोई बढ़ोतरी किए बिना केवल अवसर खोला गया है। गौरतलब है कि विश्वविद्यालय अपने उन पुराने छात्रों को एक सुनहरा अवसर दे रहा है जो अपनी डिग्री "री-अपीयर" या किसी विषय में फेल हैं या अपने अंक या डिवीजन में संशोधन करना चाहते हैं और सभी अवसरों या कोर्स की समय सीमा समाप्त हो गई है। 

मायावती ने दी उत्तराखंड को 25वीं वर्षगांठ की शुभकामनाएँ, कहा— ईमानदार शासन से होगा विकास

लखनऊ उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री बसपा सुप्रीमो मायावती ने उत्तराखण्ड राज्य स्थापना की 25वीं वर्षगांठ पर प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई दी है। उन्होंने एक्स पर पोस्ट कर कहा कि उत्तराखंड राज्य स्थापना की 25वीं वर्षगांठ अर्थात् उत्तराखण्ड रजत जयंती पर राज्य के समस्त भाई-बहनों व उनके परिवार वालों को हार्दिक बधाई।   बहुजन समाज पार्टी (बी.एस.पी.) की उत्तर प्रदेश में मेरी रही सरकार द्वारा कई नए जिले, तहसील व ब्लाक आदि बनाकर उत्तराखंड में जनहित, जनकल्याण व विकास को बढ़ावा देने के साथ-साथ पार्टी के समर्थन से बने नये उत्तराखण्ड राज्य के लोगों का जीवन भी ख़ुश एवं खुशहाल हो, यही शुभकामनायें। उन्होंने कहा कि शासन-प्रशासन भी सही नीयत व नीति से कार्य करे तो यह बेहतर। जिससे उत्तराखंउ का विकास हो सके। आप को बता दें कि लंबे समय से चली आ रही पृथक राज्य की मांग को स्वीकार करते हुए उत्तर प्रदेश के एक हिस्से को काट कर 2000 में उत्तराखंड की स्थापना कर नया राज्य बनाया गया था।

मां को बनाया ‘कैदी’: बुजुर्ग महिला को कमरे में बंद करके रख रहे थे बेटे-बेटी, पुलिस ने दबिश देकर छुड़ाया

भोपाल भोपाल से एक ऐसा मामला सामने आया है जिसने इंसानियत को झकझोर दिया है। पिपलानी थाना क्षेत्र के कल्पना नगर में एक 70 वर्षीय बुजुर्ग मां को उसके ही बेटे और बेटी ने पिछले ढाई साल से घर के एक कमरे में बंद कर रखा था। जब पुलिस ने दरवाजा खुलवाया तो जो दृश्य सामने आया, उसने हर किसी का दिल दहला दिया। पुलिस मौके पर पहुंची तो सच सामने आया कमरे में गंदगी और अंधेरा पसरा था और जमीन पर पड़ी वह मां बेहद कमजोर और असहाय हालत में मिलीं। कई महीनों से उन्हें किसी ने देखा नहीं था। पड़ोसियों को जब यह बात खटकने लगी, तो उन्होंने साहस दिखाकर पुलिस को सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची तो सच सामने आया।   दोनों बच्चे मानसिक रूप से कमजोर हैं महिला के पति का कई साल पहले निधन हो चुका है। वे अपने बेटे अजय सैनी और बेटी सोनाक्षी सैनी के साथ रहती थीं। बताया जा रहा है कि दोनों बच्चे मानसिक रूप से कमजोर हैं। इसी कारण उन्होंने मां को कमरे में बंद कर दिया और उनकी सही देखभाल भी नहीं कर पा रहे थे। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, महिला को तुरंत अस्पताल भेजा गया, जहां उनका इलाज जारी है। फिलहाल पुलिस कानूनी कार्रवाई से पहले स्थिति का मूल्यांकन कर रही है और महिला की आगे की देखभाल के लिए सामाजिक संस्थाओं से संपर्क किया जा रहा है। फिलहाल किसी पर कार्रवाई नहीं पुलिस का कहना है कि बुजुर्ग महिला के बेटे-बेटी की मानसिक स्थिति को देखते हुए फिलहाल किसी पर कार्रवाई नहीं की गई है। बुजुर्ग महिला की देखभाल और इलाज के लिए पुलिस द्वारा सामाजिक संस्थाओं से संपर्क किया जा रहा है, जिससे कि उन्हें उचित सहायता मिल सके। 

रफ्तार बनी कहर: स्कॉर्पियो ने बाइक को रौंदा, चार लोगों की मौत, रीवा पुलिस ने शुरू की तलाश

रीवा जिला मुख्यालय तकरीबन 60 किलोमीटर दूर स्थित जिले के गढ़ थाना क्षेत्र अंतर्गत तेंदुआ मोड़ के समीप एक तेज रफ्तार स्कॉर्पियो ने बाइक को ठोकर मार दी। ठोकर इतनी तेज थी की बाइक सवार चार लोग 200 मीटर दूर जा गिरे। मौके पर ही चारों की मौत हो गई। जब तक स्कॉर्पियो चालक मौके से फरार हो पाता स्थानीय लोगों ने उसे रोक लिया। हालांकि, भीड़ का फायदा उठाकर वाहन चालक मौके से फरार होने में सफल रहा। चालक की तलाश शुरू पुलिस ने चारों मृतकों का पंचनामा दर्ज कर शव पीएम के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गैंग भेज दिया है। उक्त वाहन मालिक के विरुद्ध पुलिस ने मामला दर्ज कर चालक की तलाश शुरू कर दी है। मामले की जानकारी देते हुए मांगना एसडीओपी प्रतिभा शर्मा में जानकारी देते हुए बताया कि रविवार की शान तकरीबन 4:30 बजे तेंदुआ मोड़ के समीप स्कॉर्पियो तेज रफ्तार से सामने की ओर से आ रही बाइक को ठोकर मार दी।   चारों मृतक उत्तर प्रदेश के है गुप्त दुर्घटना में जहां चार लोगों की मौत हो गई है वही मृतकों की पहचान उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिला अंतर्गत 12 तहसील के हर्रा गांव के रूप में की गई है। मृतकों का नाम रामनरेश साकेत, रुचि साकेत, रंजना साकेत और कमलेश सिंह है। सभी निवासी हारा के रूप में पहचाने गए हैं। उक्त दुर्घटना में चार लोगों की मौत हो गई है। स्कॉर्पियो मलिक के विरुद्ध मामला पंजीबद कर चालक की तलाश की जा रही है। – शैलेंद्र सिंह, पुलिस अधीक्षक रीवा