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बाबा वेंगा की भविष्यवाणियों का धमाका! 2025 में क्या-क्या सच निकला?

 पूरी दुनिया में साल 2025 के अंत में आई प्राकृतिक आपदाओं की एक श्रृंखला को लोग कथित तौर पर बाबा वेंगा की 2025 के लिए की गई भविष्यवाणियों से जोड़कर देख रहे हैं। म्यांमार में आया भूकंप हो, इथोपिया में ज्वालामुखी विस्फोट हो, श्रीलंका में तूफान से आई तबाही हो या वियतनाम में आई बाढ़—इन घटनाओं में हुए काफ़ी जानमाल के नुकसान ने लोगों के बीच अटकलों को बढ़ा दिया है। क्या कहा था बाबा वेंगा ने 2025 के लिए? दिसंबर 2024 में बाबा वेंगा की 2025 को लेकर जो भविष्यवाणियां वायरल हुई थीं उनमें साल के अंत में भीषण तबाही की बात कही गई थी। उनकी भविष्यवाणियों के अनुसार दुनिया में बदल रहे मौसम के चलते इस साल के अंत और 2026 की शुरुआत में प्राकृतिक आपदाओं से भयानक तबाही के आसार थे। उन्होंने सालभर युद्ध का तनाव बने रहने, भू-राजनीतिक संकट गहराने और सामाजिक उथल-पुथल मचने के भी संकेत दिए थे।   2025 की आपदाएं और भविष्यवाणियों का मेल लोग मौजूदा आपदाओं को इन्हीं भविष्यवाणियों से जोड़ रहे हैं: घटना विवरण श्रीलंका तूफान नवंबर 2025 में आए दित्वा तूफ़ान के कारण 153 लोगों की मौत हुई और हज़ारों लोग बेघर हुए। मलेशिया, इंडोनेशिया, थाईलैंड और श्रीलंका से आई बाढ़ की रिपोर्टें चौंकाने वाली हैं। इथोपिया ज्वालामुखी 23 नवंबर 2025 को इथोपिया में ज्वालामुखी में आए विस्फोट के कारण पूरी दुनिया कांप गई थी और इसका असर भारत तक देखने को मिला था। भू–राजनीतिक संकट पूरे साल रूस–यूक्रेन युद्ध, इजरायल–हमास लड़ाई और भारत–पाकिस्तान के बीच पैदा हुए तनाव के कारण युद्ध का तनाव बना रहा जो उनकी भविष्यवाणी से मेल खाता है।  कौन थीं रहस्यमयी बाबा वेंगा? रहस्यमयी बल्गेरियाई भविष्यवक्ता बाबा वेंगा का जन्म 1911 में बुल्गारिया में हुआ था। 12 साल की उम्र में उनकी देखने की शक्ति छिन गई थी लेकिन उनके समर्थक उन्हें भविष्यवक्ता मानते थे। प्रिंसेज डायना की मौत और 9/11 के हमले समेत उनकी कई भविष्यवाणियों के सच होने का दावा किया गया है। 1996 में उनका निधन हो गया था। 2026 की भविष्यवाणियां भी डरावनी 2025 के बाद अब 2026 को लेकर बाबा वेंगा की भविष्यवाणियों ने भी लोगों को डराया है। इनमें ग्लोबल इकोनॉमिक क्राइसिस के चलते सोना महंगा होने, बड़ी प्राकृतिक आपदा के आसार, एक बड़े युद्ध की आहट, एलियन लाइफ से पहला संपर्क और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का दबदबा जैसी बातें प्रमुख हैं।  

पति नहीं मिल रहे, समाधान बना ‘हसबैंड ऑन रेंट’! जानें क्यों तेजी से बढ़ रही है यह नई मांग

लातविया दुनिया भर में जनसंख्या असंतुलन को लेकर कई तरह की चर्चाएँ होती हैं, लेकिन लातविया का मामला बिल्कुल अनोखा है। यूरोप का यह छोटा-सा देश आज एक ऐसी स्थिति का सामना कर रहा है, जिसने समाज में एक अप्रत्याशित और दिलचस्प सेवा को जन्म दिया है “Husband for an Hour” यानी 'एक घंटे के लिए पति'।लातविया में महिलाओं और पुरुषों की आबादी के बीच भारी अंतर है।विशेषज्ञों के अनुसार, लातविया में हर 100 महिलाओं के मुकाबले लगभग 84 पुरुष ही रह गए हैं।महिलाओं की लाइफ एक्सपेक्टेंसी भी पुरुषों से 10 वर्ष अधिक होती है।देश में अधिकतर युवा, शिक्षित महिलाएँ विदेशों में बस जाती हैं, जिससे स्थानीय पुरुषों की कमी और बढ़ गई है। इस लैंगिक असंतुलन के कारण लातविया में अविवाहित व अकेली महिलाओं की संख्या बहुत अधिक हो चुकी है। परिणामस्वरूप, घरेलू काम, मुरम्मत और सुरक्षा से जुड़े कार्यों के लिए महिलाएँ अब “किराए के पति” जैसी सेवाओं पर निर्भर हो रही हैं।  ‘एक घंटे के लिए पति’ सेवा कैसे काम करती है?     यह सेवा सामान्य घरेलू सहायता की तरह नहीं, बल्कि एक अत्यधिक संगठित प्रणाली है। यहाँ कुछ प्रमुख बातें शामिल हैं: ऑनलाइन या फोन के माध्यम से बुकिंग महिलाएँ किसी भी समय ऐप या वेबसाइट के जरिए बुकिंग कर सकती हैं। तत्काल सेवा की मांग होने पर पुरुष 60 मिनट के भीतर घर पहुँच जाते हैं। इन पुरुषों को दिया जाता है विशेष नाम: “Men with Golden Hands” इस सेवा को चलाने वाली कंपनियाँ अपने कर्मचारियों को “सुनहरे हाथों वाले पुरुष” के रूप में विज्ञापित करती हैं।  उनकी विशेषज्ञता सिर्फ मरम्मत तक सीमित नहीं, बल्कि “महिला-फ्रेंडली हैंडलिंग” पर भी जोर दिया जाता है।  किस तरह की सेवाएँ मिलती हैं?     टपकते नल की मुरम्मत     टीवी या वॉशिंग मशीन इंस्टॉल करना     फर्नीचर फिटिंग     इलेक्ट्रिक वर्क     पेंटिंग     गार्डनिंग     घर की भारी वस्तुएँ उठाना     घर के अंदर सुरक्षा संबंधी छोटे काम     कुछ मामलों में महिला अकेली हो तो "सुरक्षा की भावना" के लिए पुरुष की मौजूदगी     यह सेवा किसी भी व्यक्तिगत या अनुचित गतिविधि से जुड़ी नहीं होती     बल्कि पूरी तरह घरेलू सहायता और तकनीकी कामों के लिए होती है।  क्यों बढ़ रहा है यह ट्रेंड? विशेषज्ञ बताते हैं कि लंबे समय से लातविया में पुरुषों की संख्या तेजी से कम होती जा रही है। महिलाएँ अधिक पढ़ी-लिखी और आर्थिक रूप से स्वतंत्र हैं। अधिकतर करियर-ओरिएंटेड महिलाओं को घर के तकनीकी कामों के लिए भरोसेमंद पुरुष मिलना मुश्किल हो रहा है।कई महिलाएँ रिश्तों के लिए विदेश में पार्टनर तलाशती हैं।इससे देश में स्थानीय पुरुषों की कमी और बढ़ती जा रही है।कई महिलाएँ बताती हैं कि उन्हें घर में मुरम्मत के दौरान “किसी सक्षम पुरुष” के मौजूद होने से सुरक्षा महसूस होती है। पिछले 5 वर्षों में मांग तीन गुना बढ़ी लातविया के बड़े शहरों रिगा, डॉगवपिल्स और लिएपाजा में यह सेवा अब आम हो चुकी है।कंपनियों का दावा है कि उन्हें रोजाना सैकड़ों बुकिंग मिलती हैं।कुछ सामाजिक समूहों का कहना है कि यह सेवा सामाजिक असमानता को दर्शाती है। यह पारंपरिक पारिवारिक ढाँचे में आ रहे बदलावों का संकेत है। हालांकि महिलाएँ इसे अपनी स्वतंत्रता और सुविधा के रूप में देखती हैं।   लातविया में पुरुषों की कमी से पैदा हुआ असंतुलन एक अनोखी लेकिन जरूरत आधारित सेवा का कारण बना है। "एक घंटे के लिए पति" केवल घरेलू कामों की मदद नहीं, बल्कि बदलती सामाजिक संरचना का भी संकेत है। महिलाओं की बढ़ती आत्मनिर्भरता और पुरुषों की घटती संख्या ने मिलकर इस सेवा को लातविया की बड़ी सामाजिक आवश्यकता बना दिया है।  

अंबिकापुर में पारा 4.6°C पर पहुंचा, छत्तीसगढ़ के कई जिलों में शीत लहर के आसार

रायपुर प्रदेश में कड़ाके की ठंड पड़ने लगी है। लगातार तापमान में गिरावट दर्ज किया जा रहा है। मौसम विज्ञान केंद्र रायपुर के मुताबिक, आज उत्तर और मध्य छत्तीसगढ़ के कुछ इलाकों में शीत लहर चलने की संभावना है। प्रदेश में अगले 24 घंटों के दौरान न्यूनतम तापमान में किसी बड़े बदलाव की उम्मीद नहीं है, हालांकि इसके बाद तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हो सकती है। मौसम का हाल राज्य में बीते 24 घंटों के दौरान मौसम पूरी तरह शुष्क रहा। प्रदेश में सर्वाधिक अधिकतम तापमान 29.4°C जगदलपुर में और सबसे कम न्यूनतम तापमान 4.6°C अंबिकापुर में दर्ज किया गया। आज के लिए पूर्वानुमान प्रदेश में आज मौसम शुष्क रहने की संभावना है। किसी तरह की चेतावनी जारी नहीं की गई है। अगले दो दिनों के बाद भी मौसम में किसी खास बदलाव की उम्मीद नहीं है और स्थिति शुष्क ही रहने की संभावना है। रायपुर का कैसा रहेगा मौसम राजधानी रायपुर में आज धुंध छाए रहने की संभावना है। अधिकतम और न्यूनतम तापमान क्रमशः 28°C और 13°C के आसपास रहने की संभावना है।

सरकार का बड़ा ऐलान: लाड़ली बहनों की राशि में बढ़ोतरी, तय हुई 1750 रुपये ट्रांसफर की तारीख

दमोह  मध्यप्रदेश की 1.27 करोड़ लाड़ली बहनों के लिए बड़ी खुशखबरी है। जल्द मोहन सरकार लाड़ली बहनों को मिलने वाली राशि में बढ़ोत्तरी होने जा रही है। पर्यटन मंत्री धर्मेंद सिंह लोधी ने दमोह जिले के मनगढ़ में तालाब निर्माण के भूमि पूजन के दौरान घोषणा करते हुए कहा कि लाड़ली बहनों की राशि बढ़ाकर 3 हजार रुपए की जाएगी। जल्द लाड़ली बहनों को मिलेंगे 3 हजार मंत्री धर्मेंद लोधी ने कहा कि 'रघुकुल रीत सदा चली, आई प्राण जाए पर वचन न जाई। आप लोग कहते हैं कि सरकार कहती थी की लाड़ली बहनों को 3 हजार दिए जाएंगे, लेकिन कब देंगे? तो मैं कहना चाहता हूं कि भाजपा सरकार झूठ नहीं बोलती है। हम जल्द ही राशि को बढ़ाकर तीन हजार रुपए करेंगे। जानें कब मिलेंगे 1750 रुपए आगे मंत्री ने कहा कि अभी सहायता राशि 1500 रुपए है, अगली दीपावली में 1750 रुपए करेंगे। उसके बाद 2027 वाली दिवाली में 2000 रुपए और साल 2028 की दिवाली पर सीधा 1000 रुपए की बढ़ोतरी की जाएगी। इस तरह से महिलाओं को कुल 3 हजार रुपए की राशि का जो वादा है पूरा किया जाएगा। हमारी सरकार अपने वादों पर पूरी तरह प्रतिबद्ध है। गलतियां माफ करें जनता धर्मेंद लोधी ने मजाकिया अंदाज में कहा कि काम करते हैं तो गलतियां भी हो जाती हैं, लेकिन क्षमा बड़न को चाहिए को चाहिए छोटन के उत्पात, आप जनता जनार्दन आप छोटी गलती को क्षमा कर दें, लेकिन एक गलती के कारण हमारी सारी अच्छाइयों को न भुला दें। आपके आठ काम हो जाते हैं दो काम नहीं होते तो आप उन आठ कामों की चर्चा नहीं करते। जो दो काम नहीं होते उनकी चर्चा ज्यादा होती है। 

नीतीश सरकार का बड़ा ऐलान: बिहार में बनेगी BISF, उद्योग और निवेश को मिलेगा सुरक्षा कवच

पटना बिहार में निवेश को रफ्तार देने और निवेशकों की सुरक्षा को लेकर नीतीश सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। सीआईएसएफ (सेंट्रल इंडस्ट्रियल सिक्योरिटी फोर्स) की तर्ज पर बिहार में बीआईएसएफ बनेगा। जिसका प्रस्ताव जल्द सरकार को भेजा जाएगा। इसकी जानकारी राज्य के उद्योग मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल ने दी। उन्होंने रविवार को पटना में मीडिया से बातचीत में बताया कि निवेशकों को सुरक्षित वातावरण देना बहुत ज़रूरी है, ताकि वे बिना डर के बिहार में उद्योग खोल सकें और बड़ी राशि लगाकर कारोबार बढ़ा सकें। इस सुरक्षा बल का काम औद्योगिक क्षेत्रों और बड़े कारखानों की सुरक्षा सुनिश्चित करना होगा।   आपको बता दें बिहार में उद्योगों को बढ़ावा देना और निवेश लाना सरकार की प्राथमिकताओं में एक है। बिहार में अगले 5 साल में 50 लाख करोड़ का निवेश लाने की तैयारी शुरू हो गई है। बिहार को भारत के शीर्ष पांच निवेश अनुकूल राज्यों में सम्मिलित करने के लिए उद्योग विभाग देश-दुनिया के प्रमुख वाणिज्यिक केंद्रों में निवेशक सम्मेलनों का आयोजन करेगा, ताकि बड़े से बड़े उद्योगों को आकर्षित किया जा सके।   इसके अलावा निवेशकों को आकर्षित करने के तहत ईजी ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा देना, आधुनिक फूड प्रोसेसिंग और लॉजिस्टिक्स सुविधाओं के साथ 5 नए मेगा फूड पार्क स्थापित करना, राज्य में 10 औद्योगिक पार्क एवं 100 सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम पार्कों को विकसित करना, उद्योग-प्रासंगिक कौशल एवं उद्यमिता में 7 लाख लोगों को प्रशिक्षित करना तथा सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम निदेशालय की स्थापना एवं सभी जिलों में सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम केंद्र स्थापित करना शामिल है। राज्य में उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए मुख्यमंत्री उद्यमी योजना के तहत कुल 44073 उद्यमियों को प्रोत्साहन राशि दी गयी है। इससे लोग अपना खुद का उद्योग, कारोबार कर रहे हैं और बड़ी संख्या में लोगों को रोजगार भी दे रहे हैं। ऐसे में निवेशकों को सुरक्षा और उद्योग धंधों की सुरक्षा के लिए बीआईएसएफ के गठन का प्रस्ताव बड़ा कदम माना जा रहा है।

उत्तर भारत में ठंड का कहर: पंजाब-हरियाणा शीतलहर की चपेट में, कश्मीर में बर्फबारी की तैयारी

नई दिल्ली पंजाब और हरियाणा समेत उत्तर भारत में रविवार को भी कड़ाके की ठंड का दौर जारी रहा। स्थानीय मौसम विभाग के अनुसार, पंजाब के फरीदकोट में न्यूनतम तापमान 4.4 डीग्री सेल्सियस दर्ज किये जाने के साथ यह राज्य का सबसे ठंडा स्थान रहा जबकि हरियाणा में सबसे कम न्यूनतम तापमान(4.6 डिग्री सेल्सियस) नारनौल में दर्ज किया गया। वहीं, कश्मीर में सोमवार को ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी का अलर्ट जारी किया गया है।   मौसम विभाग ने छह और सात दिसंबर को आसमान में आमतौर पर बादल छाए रहने, लेकिन मौसम शुष्क रहने का अनुमान जताया, जबकि आठ दिसंबर को उत्तर और मध्य कश्मीर के ऊंचाई वाले इलाकों में कुछ स्थानों पर हल्की बर्फबारी होने की संभावना है। इसके अलावा, पंजाब में बठिंडा और गुरदासपुर में न्यूनतम तापमान 4.6 डिग्री सेल्सियस रहा जबकि फिरोजपुर में छह डिग्री, अमृतसर में 6.1 डिग्री, लुधियाना में 6.8 डिग्री और पटियाला में 8.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं, हरियाणा के भिवानी में न्यूनतम तापमान छह डिग्री, हिसार में 6.2 डिग्री, सिरसा में 6.6 डिग्री, करनाल में सात डिग्री, रोहतक में 7.8 डिग्री और अंबाला में 9.8 डिग्री रहा। दोनों राज्यों की संयुक्त राजधानी चंडीगढ़ में न्यूनतम तापमान 8.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। कश्मीर में हल्की बर्फबारी की संभावना कश्मीर में बीते 24 घंटे में रात के तापमान में कई डिग्री सेल्सियस की वृद्धि दर्ज की गयी, लेकिन वह जमाव बिंदु से नीचे रहा। अधिकारियों ने रविवार को यह जानकारी दी। अधिकारियों के मुताबिक, दक्षिण कश्मीर में पहलगाम रिसॉर्ट, जम्मू और कश्मीर में सबसे ठंडा स्थान रहा, जहां न्यूनतम तापमान शून्य से 4.3 डिग्री सेल्सियस नीचे दर्ज किया गया। पहलगाम रिसॉर्ट वार्षिक अमरनाथ यात्रा के लिए आधार शिविर के रूप में कार्य करता है। अधिकारियों ने बताया कि जम्मू-कश्मीर की ग्रीष्मकालीन राजधानी श्रीनगर में न्यूनतम तापमान शून्य से 0.9 डिग्री सेल्सियस नीचे दर्ज किया गया, जो पिछली रात की तुलना में 3.2 डिग्री अधिक है। घाटी का प्रवेशद्वार माने जाने वाले काजीगुंड में न्यूनतम तापमान शून्य से एक डिग्री सेल्सियस नीचे दर्ज किया गया, जबकि उत्तरी कश्मीर के कुपवाड़ा में पारा शून्य से 0.8 डिग्री सेल्सियस नीचे रहा। अधिकारियों ने बताया कि दक्षिण कश्मीर के कोकरनाग में तापमान 1.1 डिग्री सेल्सियस नीचे दर्ज किया गया। उन्होंने बताया कि गुलमर्ग में तापमान शून्य से 1.6 डिग्री सेल्सियस नीचे, जबकि पुलवामा शहर में शून्य से 3.8 डिग्री सेल्सियस नीचे दर्ज किया गया।

रील देखते पकड़ा गया सिपाही, भोपाल कमिश्नर की सख्ती—मौके पर ही लगा 500 रुपये का जुर्माना

भोपाल भोपाल में सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता करने और रात्रि गश्त व्यवस्था को परखने के लिए पुलिस कमिश्नर हरिनारायणाचारी मिश्र शुक्रवार देर रात अचानक निरीक्षण पर निकले। टीटी नगर क्षेत्र में उन्होंने ड्यूटी प्वाइंट से नदारद दो पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया। जबकि रील देख रहे एक जवान पर 500 रुपये का जुर्माना लगा दिया। शुक्रवार रात करीब 9:30 बजे पुलिस कमिश्नर रोशनपुरा नोडल प्वाइंट पहुंचे, तो यहां तैनात कार्यवाहक उप निरीक्षक शशि चौबे और कार्यवाहक प्रधान आरक्षक रविंद्र सिंह नदारद मिले। दोनों के अनुपस्थित मिलने पर इसे गंभीर अनुशासनहीनता मानते हुए उन्हें मौके पर ही तत्काल निलंबित कर दिया गया। आदेश में कहा गया कि निर्धारित प्वाइंट पर अनुपस्थित रहना ड्यूटी की मूल भावना के खिलाफ है और किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं।   इसी दौरान ड्यूटी पर मौजूद सहायक उप निरीक्षक राजकुमार दुबे भी मोबाइल पर सोशल मीडिया में रील देखते हुए पाए गए। कमिश्नर ने कड़े स्वर में फटकार लगाते हुए उन पर 500 रुपये का दंड लगाया और स्पष्ट निर्देश दिया कि ड्यूटी के दौरान मोबाइल का अनावश्यक उपयोग सुरक्षा व्यवस्था को कमजोर करता है और इसे गंभीर लापरवाही माना जाएगा। कमिश्नर के इस औचक निरीक्षण ने विभाग में एक सख्त संदेश भेजा है कि रात की ड्यूटी में ढिलाई अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सुरक्षा को मजबूत रखने के लिए पुलिसकर्मियों को बेहतर अनुशासन और जिम्मेदारी का पालन करना होगा। इधर… पार्किंग के बाहर खड़ी बाइक चुराते थे, चेकिंग में पकड़े गए गोविंदपुरा पुलिस ने बाइक चोरी के गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए तीन शातिर बदमाशों को गिरफ्तार किया है। आरोपित बाजारों की पार्किंग के बाहर खड़ी बाइकों को निशाना बनाते थे। वे चोरी की बाइकों की नंबर प्लेट निकालकर उनका उपयोग करते थे। साथ ही सस्ते दामों पर दूसरे शहरों में बेच देते थे। आरोपितों के पास से पुलिस ने चोरी की 13 बाइकें जब्त की हैं। गोविंदपुरा थाना प्रभारी अवधेश सिंह तोमर ने बताया कि 10 नवंबर को शक्ति नगर निवासी रितिक जैन ने बाइक चोरी की शिकायत की थी, जिस पर केस दर्ज किया गया था। पिछले दिनों पुलिस को चेकिंग प्वाइंट के पास एक संदिग्ध बाइक चालक वसीम खान दिखा तो पूछताछ की और दस्तावेज मांगे। वह नहीं दिखा पाया, पूछताछ में उसने चोरी की बात स्वीकार की। उसने गिरोह में आसिफ अली व सुलेमान खान का शामिल होना बताया।

वीडियो कॉल पर 5 दिन का ‘डिजिटल अरेस्ट’, जबलपुर में रिटायर्ड अधिकारी से उड़े 31 लाख रुपये

जबलपुर बिजली विभाग के एक सेवानिवृत्त अधिकारी को साइबर ठग ने एटीएस अधिकारी बनकर फोन किया। उन्हें पांच दिन तक डिजिटल अरेस्ट रखा। उनका आतंकियों के साथ संबंध एवं टेरर फंडिंग में लिप्त होने का बोलकर डराया। संपत्ति सीज करने की धमकी देकर 31 लाख रुपये ऐंठ लिए। नेपियर टाउन निवासी अविनाश चंद्र दीवान बिजली विभाग से सेवानिवृत्त हैं। वह कुछ दिन से परेशान थे। इस पर जब बेटे ने पूछा तो उन्होंने अपने पास आए फोन और संपत्ति सीज किए जाने की कार्यवाही की जानकारी दी। जब यह बात बाहर रहने वाले पुत्र को पता चली तो वह समझ गया कि पिता के साथ साइबर धोखाधड़ी हुई है। उसके बाद पिता को शुक्रवार को मदन महल थाने भेजकर शिकायत कराया। पुलिस ने आरोपितों के धोखाधड़ी के लिए उपयोग किए गए फोन एवं बैंक खाता नंबर के आधार पर उनकी तलाश की जा रही है।   सेवानिवृत्त अधिकारी के पास एक दिसंबर को सोशल मीडिया से फोन आया। फोन करने वाले ने स्वयं को महाराष्ट्र के पुणे एटीएस का अधिकारी बताया। देश-विरोधी गतिविधियों में शामिल कुछ संदिग्धों को पकड़ने और उनसे पूछताछ में दीवान का आतंकी संपर्क मिलने की बात कही। आरबीआई के कुछ जाली अभिलेख भेजकर बताया कि उनके बैंक खाते में टेरर फंडिंग के सात करोड़ रुपये आए थे। उसमें 70 लाख रुपये का कमीशन उन्हें मिला। मामले में उन्हें और पुत्र की गिरफ्तारी फिर उनकी संपत्ति सीज करने का भय दिखाया। फिर धमकाया कि जो पूछा जाए उसकी सही-सही जानकारी दे। गलत जानकारी देने पर पांच लाख रुपये जुर्माना और 18 वर्ष की सजा हो जाएगी। देश की सुरक्षा से जुड़ा मामला बताकर उन्हें इसके बारे में किसी से कुछ नहीं बताने बोला। उन्हें घर पर ही रहने और किसी ने मिलने-जुलने से मना किया। उनके बैंक बैलेंस एवं अन्य जानकारी पूछ ली। अगले दिन शुरू किया रुपये ट्रांसफर कराना आरोपितों ने दो दिसंबर को फिर वीडियो कॉल किया। इस पर आरोपित पुलिस की तरह गणवेश पहनकर फोन में सामने आया। जांच के नाम पर उन्हें बैंक खाते के रुपये उनके बताए अकाउंट में जमा करने कहा। रुपयों के स्रोत एवं अन्य जांच पूरी होने के बाद यह राशि उनके खाते में जमा कर दी जाएगी। इसके बाद फिर एक इंटरनेट मीडिया काल आया। इस बार बात करने वाले ने स्वयं को एनआईए के अधिकारी बताया और एक बैंक खाता का विवरण देते हुए उसे आरबीआई का होना बताया। उस खाते में जांच के नाम पर रुपये ट्रांसफर करने बोला। दो से पांच दिसंबर के बीच लगातार डिजिटल अरेस्ट रखते हुए उनसे अलग-अलग किस्त में कुल 31 लाख रुपये अपने बताए खाते में ट्रांसफर करा लिए। रुपये कम पड़ने पर अपनी एफडी तुड़वाने के लिए बैंक पहुंचे। तब भी आरोपित उन पर नजर बनाए रखे। जब दीवान पुलिस में शिकायत दर्ज करा रहे थे तब भी आरोपित ने फोन किया।

ओरछा का आर्थिक, सामाजिक विकास देखते हुए इंटीग्रेटेड मास्टर प्लान तैयार करने के निर्देश

भोपाल  मुख्य सचिव श्री अनुराग जैन ने ओरछा में संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि सभी परियोजनाएँ समय पर और उच्च गुणवत्ता के साथ पूर्ण की जाएँ जिससे ओरछा को विश्वस्तरीय पर्यटन गंतव्य के रूप में विकसित किया जा सके। उन्होंने ओरछा शहर के आर्थिक, सामाजिक विकास को देखते हुए इंटीग्रेटेड मास्टर प्लान तैयार करने के भी निर्देश दिए। मुख्य सचिव श्री जैन रविवार को पर्यटन नगरी ओरछा में विभिन्न निर्माण कार्यों का निरीक्षण कर रहे थे। उन्होंने निर्माण एजेंसियों के अधिकारियों को समय-सीमा में कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। मुख्य सचिव श्री जैन ने ओरछा में मंदिर पहुंचकर भगवान श्रीराम राजा सरकार के दर्शन किए। उन्होंने जुझार महल एवं हरदौल वाटिका का निरीक्षण किया। श्री जैन ने कहा कि वेंडर जोन का निर्माण इस तरह करें जिससे पर्यटकों को आवागमन में सुविधा हो।उन्होंने कहा कि खजुराहो महोत्सव को ध्यान में रखते हुए बुंदेलखंड सांस्कृतिक महोत्सव आयोजित करने की कार्ययोजना तैयार की जाए। उन्होंने ओरछा का मास्टर प्लान तैयार करने, पीपीपी मोड पर चल रहे कार्यों में स्थानीय नागरिकों की भागीदारी सुनिश्चित करने जिससे उन्हें रोजगार उपलब्ध कराया जा सके, के निर्देश दिये। मुख्य सचिव श्री जैन कंचना घाट भी पहुंचकर बेतवा नदी पर स्थित नवीन ब्रिज निर्माण कार्य को जल्द से जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कंचना घाट पर संचालित पिंक टॉयलेट संचालन कार्य सेल्फ हेल्प ग्रुप को देने के निर्देश दिए। मुख्य सचिव श्री जैन ने अधिकारियों से संरक्षित भवनों की स्थिति, पर्यटक सुविधाओं और आवश्यक रखरखाव उपायों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि इन धरोहरों को संरक्षित रखना हमारी जिम्मेदारी है। मुख्य सचिव श्री जैन ने राय प्रवीण महल एवं तुलसी घाट का निरीक्षण किया। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी कार्य निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण पूर्ण हों। उन्होंने जहांगीर महल का अवलोकन किया। उन्होंने होटल बेतवा रिट्रीट में श्रीराम राजा लोक और ओरछा में चल रहे विभिन्न निर्माण एवं विकास कार्यों की विस्तृत समीक्षा की।वर्तमान में आ रहे पर्यटकों एवं भविष्य में आने वाले पर्यटकों की संभावनाओं के दृष्टिगत कार्ययोजना तैयार की जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि शहर की सभी होटलों की स्टार रेटिंग कराई जाए। जुझार सिंह महल को बुंदेलखंड सांस्कृतिक केंद्र की तर्ज पर विकसित किया जाए। एडवेंचर स्पोर्ट्स को बढ़ावा दिया जाए। बुंदेली कला, पेंटिंग एवं टेराकोटा से बनने वाले उत्पादों की मार्केटिंग और ब्रांडिंग की जाए और उन्हें ऑनलाइन प्लेटफार्म पर लाकर विक्रय किया जाए। इस अवसर पर जिले के अधिकारी सहित कंसल्टेंट मौजूद रहे।  

निशातपुरा रेलवे स्टेशन पर मालवा और सोमनाथ एक्सप्रेस के लिए हॉल्ट, भोपाल में सुविधा बढ़ेगी

भोपाल भोपाल में जल्द ही एक और रेलवे स्टेशन की शुरुआत होने वाली है, जिससे भोपाल में चार स्टेशन हो जाएंगे और यात्रियों को आने जाने में और आसानी होगी. बताया जा रहा है कि जनवरी 2026 से भोपाल में निशातपुरा स्टेशन शुरू कर दिया जाएगा, जिसके बाद भोपाल जंक्शन, रानी कमलापति जंक्शन, संत हिरदाराम नगर स्टेशन के बाद निशातपुरा भोपाल का चौथा रेलवे स्टेशन होगा, बताया जा रहा है कि जबलपुर-सोमनाथ एक्सप्रेस और मालवा एक्सप्रेस दो बड़ी ट्रेनों को शुरुआत में निशातपुरा रेलवे स्टेशन पर रोका जाएगा, बाद में यहां और भी कई बड़ी ट्रेनों का स्टॉपेज शुरू हो सकता है.  भोपाल में कम होगा दवाब  निशातपुरा रेलवे स्टेशन की शुरुआत होने से भोपाल जंक्शन, रानी कमलापति और संत हिरदाराम नगर स्टेशन पर बढ़ता दबाव काफी हद तक कम हो जाएगा, क्योंकि अभी इन तीनों स्टेशनों पर ही सबसे ज्यादा दवाब रहता है. निशातपुरा स्टेशन के शुरू होने से पुराने भोपाल और इसके आसपास के इलाकों, करोंद, लालघाटी, अयोध्या नगर, गांधी नगर, आनंद नगर, भीमनगर सहित लाखों लोगों को बड़ा फायदा मिलेगा, यहां से यात्रियों को मुख्य स्टेशन तक पहुंचने के लिए लंबी दूरी और समय खर्च नहीं करना पड़ेगा और आसानी से उन्हें आने जाने की सुविधा मिलेगी. स्टेशन पर पार्किंग, टिकटिंग, वेटिंग एरिया और सुरक्षा व्यवस्था जैसी सुविधाओं का काम भी लगभग पूरा हो चुका है. जिससे जनवरी 2026 में इसके शुरू होने की संभावना है.  वर्तमान समय में भोपाल शहर में चार रेलवे स्टेशन हैं, जिनमें भोपाल रेलवे स्टेशन, रानी कमलापति, संत हिरदाराम नगर और मिसरोद शामिल हैं. निशातपुरा और भोपाल रेलवे स्टेशन की कनेक्टिविटी बेहतर करने का भी एक प्रोजेक्ट है. वहीं, संत हिरदाराम नगर स्टेशन का भी विकास कार्य चल रहा है. इसका विकास कार्य पूरा होने पर यहां अधिक ट्रेनों को हॉल्ट दिया जाएगा. इसके साथ ही शहर के दक्षिण दिशा में अधिक डेवलपमेंट होने से मिसरोद स्टेशन पर भी सुविधाएं विकसित करने की मांग उठ रही है. इन क्षेत्रों के लोगों को मिलेगा फायदा निशातपुरा स्टेशन की दूरी भोपाल स्टेशन से दो किलोमीटर की है. हालांकि, शहर के अलग-अलग इलाकों से यहां जाने वाले लोगों को ट्रैफिक के चलते थोड़ा ज्यादा समय लग जाएगा. वहीं अयोध्या बायपास, भानपुर, करोंद और जेके रोड के निवासियों को यह स्टेशन पास पड़ेगा. जिन दो ट्रेनों से स्टेशन शुरू हो रहा है, उनसे भोपाल से रोजाना औसत 650 यात्री यात्रा करते हैं. इस स्टेशन के शुरू होने का एक सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि मुख्य स्टेशन पर जगह नहीं मिलने पर ट्रेनों को आउटर की बजाय निशातपुरा स्टेशन पर रोका जा सकेगा. यहां भी ट्रेनों को मिलेगा हॉल्ट रानी कमलापति स्टेशन पर गोवा, आंध्र प्रदेश और गोंडवाना एक्सप्रेस सहित 6 प्रमुख ट्रेनों के हाल्ट की मांग एक बार फिर उठ रही है. इससे पहले भोपाल मंडल रेलवे उपयोगकर्ता परामर्शदात्री समिति (डीआरयूसीसी) की बैठक में रेल अधिकारियों ने तकनीकी कारण बताते हुए इन ट्रेनों का हाल्ट देने से इंकार कर दिया था. अब सांसदों से उम्मीद है कि वे यात्रियों की सुविधा को देखते हुए इस मांग पर फिर जोर देंगे. 2023 से चल रहा काम  भोपाल रेल मंडल से मिली जानकारी के मुताबिक निशातपुरा स्टेशन का निर्माण 2023 से जारी है और अब ज्यादातर काम पूरा हो चुका है, अंतिम परीक्षणों के बाद इसे नए साल में शुरू करने की तैयारी है. उन्होंने कहा कि फिलहाल मालवा एक्सप्रेस और जबलपुर–वरावल एक्सप्रेस का हॉल्ट अधिकृत रूप से जारी कर दिया गया है, भोपाल स्टेशन परिचालन के लिहाज से अत्यधिक कंजस्टेड है, कई ट्रेनों को यहां रिवर्सल करना पड़ता है, जिससे उनकी यात्रा में देरी होती है. निशातपुरा स्टेशन शुरू होने से यह समस्या काफी कम हो जाएगी. मालवा और ओवरनाइट एक्सप्रेस सहित कई ट्रेनों को भोपाल में इंजन की दिशा बदलनी पड़ती है, जिसमें 30 मिनट से ज्यादा का समय लग जाता है. लेकिन यदि उनका हॉल्ट निशातपुरा में शिफ्ट किया जाता है, तो इंजन रिवर्सल की जरूरत नहीं होगी और ट्रेनें सीधे इंदौर, उज्जैन और रतलाम की दिशा में आगे बढ़ सकेंगी.  भोपाल में वर्तमान में तीन बड़े स्टेशन हैं, जिनमें भोपाल जंक्शन, रानी कमलापति जंक्शन और संत हिरदाराम नगर रेलवे स्टेशन शामिल है. निशातपुरा इनसे बेहतर तरीके से जोड़ने के लिए अलग से कनेक्टिविटी प्रोजेक्ट भी विकसित किया जा रहा है. साथ ही संत हिरदाराम नगर स्टेशन पर भी विस्तार कार्य तेजी से जारी है.