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आज का राशिफल (14 दिसंबर 2025): जानें क्या कहता है आपके सितारे

मेष आज आपका आत्मविश्वास बढ़ा हुआ रहेगा। मन में नई ऊर्जा महसूस होगी और आपको लगेगा कि आज बहुत कुछ कर सकते हैं। किसी पुराने पेंडिंग काम में प्रगति मिलेगी, जिसे लेकर आप काफी समय से परेशान थे। दफ्तर में आपकी बातों को महत्व मिलेगा, बस बोलते समय थोड़ा नरमी रखें। किसी करीबी से छोटी सी बहस हो सकती है, लेकिन प्यार और समझदारी से बात करेंगे तो मामला तुरंत ठीक हो जाएगा। वृषभ आज आप अपनी जरूरतों और पैसों को लेकर थोड़ा ज्यादा सोचेंगे। दिन की शुरुआत हल्की टेंशन से हो सकती है, लेकिन दोपहर तक चीजें ठीक हो जाएंगी। आप किसी ऐसे व्यक्ति से बात कर सकते हैं, जिससे आपको मानसिक राहत मिलेगी। खर्चों पर कंट्रोल रखना जरूरी है, वरना बाद में अफसोस होगा। काम धीरे-धीरे, लेकिन सही दिशा में आगे बढ़ेगा। शाम को घर का माहौल आपको आराम देगा। मिथुन आज आपका बात करने का तरीका आपका सबसे बड़ा प्लस पॉइंट रहेगा। ऑफिस में लोग आपकी सलाह मानेंगे और आपकी उपस्थिति से माहौल भी हल्का-फुल्का रहेगा। नए काम या नए प्रोजेक्ट का आइडिया दिमाग में आएगा, जिसे आगे बढ़ाना फायदेमंद रहेगा। रिश्तों में थोड़ा धैर्य रखें। किसी करीबी को आपकी बात समझने में थोड़ा वक्त लग सकता है। दिन का दूसरा भाग काफी अच्छा बीतेगा। कर्क आज मन थोड़ा संवेदनशील रहेगा। छोटी-छोटी बातें भी दिल को लग सकती हैं। मगर चिंता की जरूरत नहीं, क्योंकि काम और निजी दोनों मामलों में धीरे-धीरे सुधार दिखेगा। परिवार का साथ मिलेगा और किसी पुराने दोस्त से अचानक बातचीत हो सकती है, जिससे मन खुश हो जाएगा। आर्थिक स्थिति सामान्य रहेगी। शाम को आराम करें या किसी शांत जगह समय बिताएं। सिंह आज आपका प्रभाव चारों तरफ रहेगा। लोग आपकी बात सुनेंगे और आपकी मौजूदगी से माहौल में सकारात्मकता आएगी। किसी काम में लीड लेने का मौका मिलेगा। नई जिम्मेदारी या अवसर की झलक भी मिल सकती है। रिश्तों में भरोसा बनाने की जरूरत है। जितना आप खुलकर बात करेंगे, चीजें उतनी ही आसान होंगी। दिन प्रोडक्टिव रहेगा और आत्मविश्वास बढ़ेगा। कन्या आपकी मेहनत आज दिखने लगेगी। लोग आपके काम को पहचानेंगे और पैसे की स्थिति भी पहले से बेहतर महसूस होगी। परिवार में सकारात्मक माहौल रहेगा। किसी बड़े प्लान पर सोचने या शुरुआत करने का भी अच्छा समय है। मन शांत रहेगा और आप अपने काम पर पूरी तरह फोकस कर पाएंगे। तुला आज आप बहुत व्यवस्थित मूड में रहेंगे। जो भी काम हाथ में लेंगे, उसे प्लान के साथ पूरा करेंगे। छोटी-छोटी चीजें भी आज आपके फेवर में होंगी। सेहत को लेकर थोड़ा सजग रहें। थकान, सिरदर्द या हल्का दर्द महसूस हो सकता है। आर्थिक तौर पर कोई छोटी अच्छी खबर मिल सकती है। दिन शांत लेकिन सकारात्मक रहेगा। वृश्चिक आज दिमाग बहुत क्लियर चलेगा। जो भी प्लान बनाएंगे उसमें सफलता मिलेगी। कोई दोस्त या सहकर्मी मदद के लिए आगे आएगा। रिश्तों में हल्की गलतफहमी हो सकती है, लेकिन बात करके सब ठीक हो जाएगा। आज जीवन में संतुलित रहेगा। धनु आज आपको हर चीज में संतुलन बनाए रखना होगा- चाहे काम हो या घर। थोड़ा एडजस्टमेंट करना पड़ेगा, लेकिन आप आसानी से संभाल लेंगे। पैसों को लेकर कोई फैसला आज हो सकता है, जिसे सोच-समझकर ही लें। किसी पुराने प्लान पर दोबारा काम शुरू करने का मौका मिलेगा। रिश्तों में भी सुधार दिखेगा। मकर आपका इंट्यूशन आज बहुत तेज है। जिस चीज की चिंता थी, उसमें आज कोई रास्ता मिल सकता है। भावनाओं में बहकर कोई गलत निर्णय न लें। क्लियर और ईमानदार बात करने से रिश्तों में गलतफहमी दूर होगी। काम में भी छोटी सफलता मिलेगी जो आगे चलकर बड़ा फायदा देगी। शाम तक मूड काफी हल्का हो जाएगा। कुंभ आज यात्रा, मूवमेंट या नए लोगों से मिलने-जुलने का योग है। नए लोगों से तालमेल अच्छा बनेगा और उनसे फायदा भी मिलेगा। काम की रफ्तार बढ़ेगी और किसी खास काम से जुड़ी अच्छी खबर मिल सकती है। मन में जो भी नया विचार आए, उसे नोट कर लें। आगे चलकर काम आएगा। मीन आज आपकी रचनात्मक सोच और संवेदनशीलता दोनों बढ़ी रहेंगी। काम में एक अच्छा फ्लो बना रहेगा। दिल की बात कहनी है तो आज सही दिन है। सामने वाला आपकी भावनाएं समझेगा। कोई छोटी सफलता या अच्छी खबर मिल सकती है। शाम का समय बिल्कुल शांत और सुकून भरा रहेगा।

कानूनी सिस्टम के कमजोर होते ही पाकिस्तान में हवाला–क्रिप्टो का खतरनाक गठजोड़

नई दिल्ली   पाकिस्तान इस समय एक खतरनाक मोड़ पर खड़ा है, जहां एक ओर उसकी औपचारिक अर्थव्यवस्था दम तोड़ रही है, वहीं दूसरी ओर अंडरग्राउंड या अनौपचारिक अर्थव्यवस्था तेजी से फल-फूल रही है। यह खुलासा पाकिस्तान के अखबार डेली टाइम्स में छपी एक नई रिपोर्ट में हुआ है। रिपोर्ट में बताया गया कि अनौपचारिक अर्थव्यवस्था में दुबई में चल रहे हवाला नेटवर्क, कराची और पेशावर से संचालित टेलीग्राम क्रिप्टो ग्रुप, एक-कमरे वाले फर्जी “एक्सपोर्ट हाउस” से जारी आईटी इनवॉइस और अरबों रुपयों का रियल एस्टेट, गोल्ड, ऑफशोर वॉलेट और डबल बिलिंग वाले व्यापार मार्गों में छिपाया जाना शामिल हैं। इस रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तान की अनौपचारिक अर्थव्यवस्था (अनडॉक्यूमेंटेड इकोनॉमी) इतनी तेजी से बढ़ रही है कि कोई भी औपचारिक सुधार उसे पकड़ नहीं पा रहा है। फाइनेंशियल एक्सपर्ट जवाद सलीम लिखते हैं कि लोग कानून तोड़ने की इच्छा से नहीं, बल्कि इसलिए औपचारिक सिस्टम छोड़ रहे हैं क्योंकि सरकारी सिस्टम धीमा, सख्त और अनिश्चित हो चुका है, जबकि गैर-कानूनी रास्ते तेज और आसान हैं। सच्चाई यह है कि लोग अवैध तरीकों की ओर जा रहे हैं, क्योंकि सरकार ने वैध तरीके से काम करना आर्थिक रूप से घाटे का सौदा बना दिया है। रिपोर्ट में कहा गया है कि अगर किसी पाकिस्तानी निर्यातक को बैंक के जरिए पैसा मंगवाने में 3 से 5 दिन का इंतजार करना पड़े, बार-बार टैक्स देना पड़े और हर डॉलर पर एफबीआर की जांच झेलना पड़े, तो वह स्वाभाविक ही हवाला एजेंट को चुनेगा, जो बिना कागजी कार्रवाई के मिनटों में भुगतान कर देता है। इसी तरह, एक सॉफ्टवेयर फ्रीलांसर, जिसे आधिकारिक भुगतान पाने से पहले कॉन्ट्रैक्ट, एनडीए और क्लाइंट की पूरी जानकारी देनी पड़ती है, क्रिप्टो वॉलेट को प्राथमिकता देगा जहां पैसा तुरंत और बिना जांच के मिल जाता है। ग्लोबल फाइनेंशियल इंटीग्रिटी की रिपोर्ट के अनुसार, पाकिस्तान को हर साल इन तरीकों से अरबों डॉलर का नुकसान होता है और इन सबका सीधा असर पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था पर पड़ रहा है। अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) के अनुसार, पाकिस्तान को टैक्स में होने वाला नुकसान जीडीपी के 6 प्रतिशत से ज्यादा है, जो देश के सालाना रक्षा बजट से भी अधिक है। रिपोर्ट में कहा गया है कि जब पैसा बैंकों से बाहर रहता है तो जमा राशि कम होती है, निजी क्षेत्र को कर्ज मिलना घटता है और सरकार को मजबूरी में बैंकों से ज्यादा उधार लेना पड़ता है। रिपोर्ट के अनुसार, अब यह शैडो इकोनॉमी सिर्फ छिपी हुई व्यवस्था नहीं रही, बल्कि यही असली सिस्टम बन चुकी है।

क्या टूटेगा कोहली का 9 साल पुराना कीर्तिमान? अभिषेक शर्मा के पास सुनहरा मौका

नई दिल्ली  भारतीय टी20 टीम के सलामी बल्लेबाज अभिषेक शर्मा दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ पांच मैचों की टी20 सीरीज का हिस्सा हैं। शुरुआती दोनों मैचों में शुरुआत मिलने के बाद अभिषेक पवेलियन लौट गए। उन्होंने दो मैचों में 17-17 रन बनाए। उनके जल्दी आउट होने के कारण भारत को उम्मीद के मुताबिक शुरुआत नहीं मिली। हालांकि अभिषेक शर्मा के पास अंतिम तीन मैचों में विराट कोहली का एक बड़ा रिकॉर्ड तोड़ने का मौका है, जिसे क्रिकेट के दिग्गज विराट कोहली ने नौ साल पहले 2016 में बनाया था।   अभिषेक शर्मा एक कैलेंडर वर्ष में सर्वाधिक T20 रन बनाने वाले भारतीय बल्लेबाज बनने के बेहद करीब हैं। भारत के पूर्व कप्तान विराट कोहली ने साल 2016 में 31 T20 मैचों में 1,614 रन बनाकर यह रिकॉर्ड अपने नाम किया था। मौजूदा कैलेंडर ईयर में अभिषेक शर्मा 39 टी20 मैचों में 1,533 रन बना चुके हैं। अभिषेक शर्मा को विराट कोहली का रिकॉर्ड तोड़ने के लिए अब केवल 82 रनों की जरूरत है। अभिषेक इस लिस्ट में पहले ही सूर्यकुमार यादव (2022 में 1503 रन) को पीछे छोड़ चुके हैं और अब उनके निशाने पर सिर्फ कोहली का रिकॉर्ड है।   चिन्नास्वामी स्टेडियम में शुरू होंगे क्रिकेट मैच, कोहली-पंत खेल सकते हैं मुकाबला अभिषेक शर्मा ने 2025 में भारत के लिए खेलते हुए टी20 इंटरनेशनल में 790 रन बना लिए हैं। भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच 14 दिसंबर को धर्मशाला में खेला जाएगा। पांच मैचों की टी20 सीरीज 1-1 से बराबरी पर है। दोनों टीमों ने एक-दूसरे की ताकत और कमजोरियों को जान लिया है, ऐसे में धर्मशाला मैच बाकी सीरीज का रुख तय करने में अहम भूमिका निभा सकता है। धर्मशाला मैदान की छोटी बाउंड्री बल्लेबाजों के सेट होने के बाद स्ट्रोक प्ले में मदद करती हैं। इस मैदान पर पहली पारी का औसत स्कोर 187 के करीब है और शाम को बाद में ओस पड़ने की उम्मीद है। टी20 क्रिकेट में एक साल में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले भारतीय विराट कोहली- 1614 (2016) अभिषेक शर्मा- 1533 (2025) सूर्यकुमार यादव- 1503 (2022) सूर्यकुमार यादव- 1338 (2023)

आतंक समर्थकों पर शिकंजा: जम्मू-कश्मीर में 150+ ओवर ग्राउंड वर्कर्स गिरफ्तार/हिरासत में

श्रीनगर  जम्मू-कश्मीर पुलिस और सुरक्षा बलों ने शनिवार को आतंकवादी संगठनों के ओवर ग्राउंड वर्कर्स (ओजीडब्ल्यू) के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की और पूछताछ के लिए 150 से ज्यादा संदिग्धों को हिरासत में लिया। पुलिस ने बताया कि श्रीनगर में अब तक 150 से ज्यादा संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है, जबकि घाटी के कई हिस्सों में ओवर ग्राउंड वर्कर्स के खिलाफ कार्रवाई जारी है। एक अधिकारी ने बताया कि बैन संगठन जैश-ए-मोहम्मद और घाटी के दूसरे आतंकी संगठनों के टेरर नेटवर्क को खत्म करने के लिए ओजीडब्ल्यू के खिलाफ यह कार्रवाई शुरू की गई है। उन्होंने कहा कि ओजीडब्ल्यू नेटवर्क के खिलाफ बड़े पैमाने पर चल रही कार्रवाई के तहत कश्मीर घाटी के कई हिस्सों में कई जगहों पर छापे मारे जा रहे हैं। जम्मू-कश्मीर पुलिस और सुरक्षा बल आतंकवाद के पूरे सपोर्ट सिस्टम को खत्म करने की नई रणनीति के तहत आतंकवादियों, उनके ओजीडब्ल्यू और हमदर्दों के खिलाफ आक्रामक ऑपरेशन चला रहे हैं। ड्रग तस्कर, ड्रग पेडलर और हवाला मनी रैकेट और दूसरी गैर-कानूनी फाइनेंशियल एक्टिविटी में शामिल लोग भी सुरक्षा बलों की नजर में हैं। माना जाता है कि ड्रग तस्करी और गैर-कानूनी फाइनेंशियल एक्टिविटी से मिले फंड का इस्तेमाल आखिर में जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद को सपोर्ट करने के लिए किया जाता है। जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल नियमित रूप से सुरक्षा समीक्षा बैठकें कर रहे हैं। उन्होंने सुरक्षा बलों को आतंकवाद के खिलाफ 360-डिग्री अप्रोच अपनाने का निर्देश दिया है ताकि सिर्फ़ बंदूक चलाने वाले आतंकवादियों पर ध्यान देने के बजाय, आतंकवाद के पूरे सपोर्ट सिस्टम को खत्म किया जा सके और जम्मू-कश्मीर में स्थायी शांति लाई जा सके। जबकि, जम्मू-कश्मीर पुलिस और सुरक्षा बल अंदरूनी इलाकों में आतंकवाद विरोधी ड्यूटी पर तैनात हैं, सेना और बीएसएफ नियंत्रण रेखा (एलओसी) और अंतरराष्ट्रीय सीमा पर घुसपैठ, बाहर निकलने, ड्रग तस्करी और सीमा पार से ड्रोन गतिविधियों को रोकने के लिए तैनात हैं।

रविशंकर प्रसाद का राहुल गांधी पर पलटवार: बोले– ‘मुझसे ही असहज हो जाते हैं’

पटना  संसद के शीतकालीन सत्र के दौरान लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी की ओर से केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह को लेकर की गई टिप्पणी पर पलटवार करते हुए भाजपा सांसद रविशंकर प्रसाद ने कहा कि वे मुझे तो झेल नहीं पाते हैं और गृह मंत्री शाह को कैसे झेल सकते हैं। भाजपा सांसद का यह बयान उस वक्त आया, जब राहुल गांधी ने एसआईआर को लेकर टिप्पणी की थी। राहुल गांधी ने कहा था कि मेरे सवालों पर गृह मंत्री नर्वस हो जाते हैं, जवाब नहीं दे पाते हैं। भाजपा सांसद ने पटना में शनिवार को मीडिया से बातचीत के दौरान कहा कि उन्हें झूठ बोलने की आदत हो गई है। उन्होंने कहा कि अभी मैंने संसद में राहुल गांधी को करारा जवाब दिया। वह मेरे जवाब भी नहीं संभाल पा रहे हैं, तो गृह मंत्री अमित शाह को कैसे संभालेंगे? मैंने उनकी हर बात का जवाब दिया। राहुल गांधी द्वारा वोट चोरी का मुद्दा उठाए जाने पर भाजपा सांसद ने कहा कि वे लगातार वोट चोरी का मुद्दा उठा रहे हैं, जबकि जनता कह रही है कि वोट चोरी नहीं हुआ। वे बेवजह का झूठ फैला रहे हैं। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने एक भी शिकायत दर्ज नहीं कराई, और न ही कांग्रेस पार्टी की ओर से शिकायत की गई। एसआईआर को लेकर राहुल गांधी और इंडी अलायंस ने हंगामा किया। वोटर अधिकार यात्रा निकाली गई। जनता को भ्रमित करने का काम किया गया। लेकिन, परिणाम क्या निकला? करारी हार का सामना करना पड़ा और कांग्रेस के खाते में आई पांच सीट। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी को झूठ बोलने का यह कैसा अहंकार है। जनता भलीभांति जानती है कि क्या सच है। भाजपा सांसद ने कहा कि अमित शाह ने विस्तार से बताया कि एसआईआर उनके समय में भी होता था। अगर कांग्रेस जीतती है, तो चुनाव आयोग अच्छा है; अगर कांग्रेस हारती है, तो चुनाव आयोग बुरा है। तो, इसका क्या जवाब दिया जा सकता है? जनता उन्हें वोट नहीं देती है और भविष्य में भी नहीं देगी।

नीतीश सरकार का बड़ा प्रशासनिक फैसला: 36 IAS अफसरों की ट्रांसफर-पोस्टिंग, विभागों में बदलाव

पटना  बिहार में नीतीश कुमार सरकार ने एक बार फिर प्रशासनिक मशीनरी को मजबूत करने के लिए बड़े स्तर पर फेरबदल किया है। सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) ने शुक्रवार शाम को 36 भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) अधिकारियों की ट्रांसफर-पोस्टिंग की अधिसूचना जारी की। इस लिस्ट में कई महत्वपूर्ण विभागों जैसे कृषि, मत्स्य पालन, सूचना एवं जनसंपर्क, पंचायती राज, स्वास्थ्य और शिक्षा आदि में नए निदेशक और अपर सचिव नियुक्त किए गए हैं। साथ ही उप विकास आयुक्त (DDC) और अनुमंडल पदाधिकारी (SDO) स्तर पर भी अहम बदलाव किए गए हैं। यह कदम राज्य की विकास योजनाओं को गति देने और कुशल प्रशासन सुनिश्चित करने की दिशा में उठाया गया माना जा रहा है।  प्रमुख नियुक्तियां: फल-सब्जी निगम से लेकर स्वास्थ्य समिति तक नए प्रबंध निदेशक वरिष्ठ IAS अधिकारी शीर्षत कपिल अशोक को बिहार राज्य फल एवं सब्जी विकास निगम का प्रबंध निदेशक बनाया गया है। धर्मेंद्र कुमार को सामाजिक सुरक्षा निदेशक, उपेंद्र प्रसाद को श्रम संसाधन एवं प्रवासी श्रमिक कल्याण विभाग में अपर सचिव और नवीन कुमार सिंह को पंचायती राज विभाग में निदेशक की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके अलावा डॉ. विद्या नंद सिंह हस्तशिल्प निदेशक बने हैं, सुनील कुमार (क्रमांक-1) को नियोजन एवं प्रशिक्षण निदेशक, आदित्य प्रकाश को पंचायती राज विभाग में अपर सचिव और अमित कुमार पांडेय को राज्य स्वास्थ्य समिति का कार्यपालक निदेशक (साथ ही स्वास्थ्य विभाग में अपर सचिव का अतिरिक्त प्रभार) नियुक्त किया गया है। अन्य महत्वपूर्ण विभागों में नए चेहरे: सूचना एवं जनसंपर्क से कृषि तक श्याम बिहारी मीणा को बिहार राज्य योजना परिषद में अपर सचिव बनाया गया। सुनील कुमार बिहार राज्य खाद्य एवं असैनिक आपूर्ति निगम के प्रबंध निदेशक बने हैं। सुहर्ष भगत को भू-अभिलेख एवं परिमाप निदेशक, अमन समीर को सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग निदेशक और मनेश कुमार मीणा को खान निदेशक की कमान सौंपी गई है। तुषार सिंगला मत्स्य निदेशक बने हैं, विजय कुमार शिक्षा विभाग में अपर सचिव, मनोज कुमार रजक नगर विकास एवं आवास विभाग में अपर सचिव, धनंजय कुमार स्वास्थ्य विभाग में अपर सचिव और आरिफ अहसन राज्य परिवहन आयुक्त नियुक्त हुए हैं।  अनिल कुमार को सूचना एवं जनसंपर्क विभाग का निदेशक (साथ ही बिहार राज्य संवाद समिति के प्रबंध निदेशक का अतिरिक्त प्रभार) बनाया गया है। कुमार अनुराग बिहार राज्य भवन निर्माण निगम लिमिटेड के प्रबंध निदेशक बने हैं। सुमित कुमार को बिहार एड्स नियंत्रण सोसाइटी का परियोजना निदेशक, सौरभ सुमन यादव को कृषि निदेशक, नवीन कुमार को बिहार शिक्षा परियोजना परिषद का परियोजना निदेशक, यतेन्द्र कुमार पाल को बिहार राज्य पाठ्य पुस्तक प्रकाशन निगम का प्रबंध निदेशक, विक्रम विरकर को प्राथमिक शिक्षा निदेशक और प्रियंका रानी को अनुसूचित जाति एवं जनजाति कल्याण निदेशक बनाया गया है। DDC और SDO स्तर पर बदलाव: जिलों में नए चेहरे तैनात उप विकास आयुक्त के पदों पर आकाश चौधरी को बेगूसराय, नीलिमा साहू को नवादा और निहारिका छवि को बक्सर नियुक्त किया गया है। अनुमंडल पदाधिकारी के रूप में निशांत सिहारा को मोतिहारी सदर (पूर्वी चंपारण), प्रधुम्न सिंह यादव को कटिहार, अंजली शर्मा को अरेराज (पूर्वी चंपारण), शिप्रा विजयकुमार चौधरी को आरा सदर (भोजपुर), डॉ. नेहा कुमारी को सासाराम (रोहतास) और कृष्ण चंद्र गुप्ता को कहलगांव (भागलपुर) की जिम्मेदारी दी गई है। यह व्यापक फेरबदल राज्य में विकास कार्यों को नई गति देने और प्रशासनिक दक्षता बढ़ाने का संकेत देता है। आने वाले दिनों में और बदलाव की संभावना बनी हुई है।  

Punjab में सर्दी का सितम: आने वाले दिनों में और गिरेगा तापमान, IMD का अलर्ट जारी

पंजाब  पंजाब में सीजन की पहली घनी धुंध ने जनजीवन को प्रभावित करना शुरू कर दिया है। कई इलाकों में सुबह के समय विजिबिलिटी काफी कम दर्ज की गई, जिससे सड़क और रेल यातायात पर असर पड़ा। मौसम विभाग के अनुसार 15–16 दिसंबर के आसपास प्रदेश में एक बार फिर कड़ाके की ठंड लौट सकती है। मौसम विभाग ने बताया कि शनिवार को पहाड़ी इलाकों में हल्की बारिश या बर्फबारी के आसार हैं, हालांकि पंजाब के मैदानी क्षेत्रों में अगले सात दिनों तक मौसम शुष्क बना रहेगा। इस दौरान बठिंडा, फिरोजपुर और फरीदकोट सहित साउथ-वेस्ट जिलों में घना कोहरा छाए रहने की संभावना है, जहां विजिबिलिटी घटकर 100 से 200 मीटर तक रह सकती है। विभाग के अनुसार प्रदेश में एक नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस सक्रिय हुआ है, जिसके प्रभाव से आने वाले दिनों में मौसम में बदलाव देखने को मिलेगा। तापमान की बात करें तो आदमपुर में न्यूनतम तापमान 3.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो प्रदेश में सबसे कम रहा, जबकि फरीदकोट में न्यूनतम तापमान 5.2 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि अगले दो दिनों तक धुंध बने रहने के आसार हैं, जिससे कई इलाकों में विजिबिलिटी 100 मीटर से भी कम हो सकती है। लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। 

AIIMS हरियाणा में 1700 कर्मचारियों की भर्ती का ऐलान, मार्च से मरीजों के लिए खुलेगी OPD

रेवाड़ी  रेवाड़ी जिले के गांव माजरा भालखी में निर्माणाधीन अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) जल्द ही आम जनता के लिए स्वास्थ्य सेवाएं शुरू करने जा रहा है। देश के 22वें एम्स के रूप में विकसित हो रहे इस संस्थान का शनिवार को केंद्रीय राज्य मंत्री राव इंद्रजीत सिंह ने निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने बताया कि आगामी मार्च महीने से एम्स में ओपीडी सेवाएं शुरू किए जाने की योजना है, जबकि जुलाई और अगस्त के बीच MBBS के पहले बैच की कक्षाएं शुरू होने की पूरी संभावना है। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि जनवरी 2026 से फैकल्टी और अन्य पदों पर भर्ती प्रक्रिया भी आरंभ कर दी जाएगी। लगभग 1650 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे इस एम्स को दक्षिणी हरियाणा के लिए एक अत्याधुनिक स्वास्थ्य केंद्र के रूप में विकसित किया जा रहा है। AIIMS के पहले निदेशक प्रो. डीएन शर्मा ने बताया कि मई-जून तक परिसर में बनने वाली सभी 40 इमारतों और हेलीपैड का निर्माण कार्य पूरा कर लिया जाएगा। उन्होंने जानकारी दी कि संस्थान में करीब 1700 पदों पर स्टाफ की भर्ती प्रस्तावित है। इस संबंध में आवश्यक प्रक्रिया पूरी कर प्रस्ताव को मंजूरी के लिए आगे भेज दिया गया है। पीएम मोदी ने किया था शिलान्यास  गौरतलब है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 16 फरवरी 2024 को इस AIIMS का शिलान्यास किया था। एम्स के शुरू होने से रेवाड़ी सहित आसपास के जिलों के लोगों को बेहतर और सुलभ इलाज की सुविधा मिलेगी। साथ ही, क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे। निरीक्षण के दौरान मंत्री ने निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर संतोष जताते हुए अधिकारियों को तय समयसीमा में कार्य पूरा करने के निर्देश दिए।

छत्तीसगढ़ में सुरक्षाबलों की बड़ी सफलता, गरियाबंद में दो कुख्यात माओवादी इनामी समेत आत्मसमर्पण

गरियाबंद छत्तीसगढ़ के गरियाबंद में नक्सल उन्मूलन अभियान के तहत 10 लाख के दो इनामी माओवादियों ने आत्मसमर्पण किया है। छत्तीसगढ़ सरकार और शासन की आत्मसमर्पण एवं पुनर्वास नीति तथा पुलिस की सतत अपील से प्रभावित होकर प्रतिबंधित संगठन सीपीआई (माओवादी) के डीजीएन डिवीजन में सक्रिय दो माओवादियों ने हिंसा का रास्ता छोड़ते हुए आत्मसमर्पण किया। आत्मसमर्पण करने वालों में एसडीके एरिया कमेटी सदस्य संतोष उर्फ लालपवन और सीनापाली एरिया कमेटी सदस्य मंजू उर्फ नंदे शामिल हैं। दोनों पर कुल 10 लाख रुपए का इनाम घोषित था। संतोष उर्फ लालपवन मूलतः बीजापुर जिले का निवासी है, जो वर्ष 2005 से माओवादी संगठन में सक्रिय था। वह विभिन्न दलम, प्लाटून और एरिया कमेटियों में कार्य करते हुए लंबे समय तक सीसी स्तर के नेताओं की सुरक्षा टीम में भी शामिल रहा। गरियाबंद और ओडिशा सीमावर्ती क्षेत्रों में सक्रिय रहते हुए वह कई गंभीर नक्सली घटनाओं, आईईडी ब्लास्ट और मुठभेड़ों में शामिल रहा, जिनमें पुलिस बल को नुकसान पहुंचा। इसके बाद में वह एसडीके और उदंती एरिया कमेटी में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी निभा रहा था। वहीं, मंजू उर्फ नंदे सुकमा जिले की रहने वाली है और वर्ष 2002 से संगठन से जुड़ी थी। बाल संगठन से लेकर एलओएस, सीएनएम और एरिया कमेटी तक का सफर तय करते हुए वह सीनापाली एरिया कमेटी की सदस्य बनी। गरियाबंद-नुआपाडा सीमावर्ती क्षेत्रों में सक्रिय रहते हुए वह भी कई मुठभेड़ों में शामिल रही, जिनमें अनेक माओवादी मारे गए। आत्मसमर्पण के दौरान दोनों माओवादियों ने बताया कि संगठन की विचारधारा खोखली हो चुकी है। जंगलों में कठिन जीवन, लगातार हिंसा, बीमारी और असुरक्षा के बीच भविष्य अंधकारमय हो गया था। दूसरी ओर शासन की आत्मसमर्पण-पुनर्वास नीति के तहत मिलने वाली आर्थिक सहायता, आवास, स्वास्थ्य और रोजगार सुविधाओं तथा पहले आत्मसमर्पण कर चुके साथियों के बेहतर जीवन से वे प्रभावित हुए। गरियाबंद पुलिस द्वारा गांव-गांव में चलाए गए प्रचार और अपील ने भी उन्हें यह कदम उठाने के लिए प्रेरित किया। गरियाबंद पुलिस ने दोनों के आत्मसमर्पण को बड़ी सफलता बताते हुए क्षेत्र में सक्रिय अन्य माओवादियों से भी अपील की है कि वे हिंसा का मार्ग छोड़कर नजदीकी थाना, चौकी या कैंप में आत्मसमर्पण कर समाज की मुख्यधारा में लौटें, जिससे आने वाले दिनों में उनको काफी फायदा होने वाला है।

लोकतांत्रिक मर्यादाओं से भटका विपक्ष, जनमत का सम्मान नहीं करता : प्रह्लाद जोशी

हुबली  केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी ने शनिवार को विपक्ष के रवैये को अशोभनीय बताया। उन्होंने कहा कि विपक्ष इस बात को स्वीकार नहीं कर पा रहा है कि कैसे देश की जनता ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पक्ष में अपना जनादेश दे दिया। यह दुर्भाग्य की बात है कि एक लोकतांत्रिक व्यवस्था के बावजूद विपक्ष के लोग जनता के निर्णय को स्वीकार नहीं कर पा रहे हैं। केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी ने आईएएनएस से बातचीत में कहा कि 2008 में कर्नाटक की जनता ने हमारे पक्ष में जनादेश दिया था, तो हम सत्ता में थे और जब इन लोगों को जनता ने चुना है, तो हमने इस बात को सहर्ष स्वीकार किया था। अब जब जनता ने हमें विपक्ष में रहने के लिए चुना है, तो हमें इस बात से कोई हर्ज नहीं है। हम इसे सहर्ष स्वीकार करते हैं। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि मौजूदा समय में विपक्ष के लोगों के लिए यही बहुत बड़ी समस्या बन चुकी है कि वे जनादेश को स्वीकार नहीं कर पा रहे हैं, जबकि एक लोकतांत्रिक व्यवस्था में जनता का मत सर्वोपरि होता है। इससे किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जा सकता है। लेकिन, अफसोस की बात है कि विपक्ष के लोग इसे स्वीकार नहीं कर पा रहे हैं। आज की तारीख में विपक्ष अपरिपक्व व्यवहार कर रहा है। वहीं, उन्होंने मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण को लेकर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि इससे पहले 2002 में भी एसआईआर हो चुका है। लेकिन, अब इसकी प्रक्रिया में थोड़ा बदलाव किया गया है। यह बदलाव शुद्धिकरण को बढ़ावा देने के मकसद से किया गया है। लेकिन, पता नहीं क्यों कांग्रेस नेता राहुल गांधी इसके विरोध में कौन सा तर्क दे रहा है और वो जिस तरह का तर्क दे रहे हैं, उसे उनके विपक्ष के साथ ही स्वीकार नहीं कर रहे हैं। ऐसी स्थिति में उनका यह तर्क पूरी तरह से बेबुनियादी साबित हो रहा है, जिसे मौजूदा लोकतांत्रिक व्यवस्था में किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जा सकता है। इंडिया गठबंधन के कई नेता राहुल गांधी के तर्क से सहमत नहीं हैं। लेकिन, दुर्भाग्य की बात है कि वो अपनी विफलता को छुपाने के लिए इस तरह का तर्क दे रहे हैं, जिसमें बिल्कुल भी सत्यता नहीं है। उन्होंने दावा किया कि जब तत्कालीन नेहरू सरकार की आलोचना की गई थी, तो इन लोगों ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश की अवहेलना करने से भी गुरेज नहीं किया था। हमें आपातकाल से लेकर शाहाबुद्दीन के केस में क्या हुआ था, सबके बारे में अच्छे से पता है। आज की तारीख में कांग्रेस की स्थिति ऐसी बन चुकी है कि अगर न्यायालय का आदेश इनके पक्ष में आता है, तो इन्हें न्यायपालिका पर भरोसा रहता है। लेकिन, जब न्यायालय का आदेश इनके विरोध में आता है, तो इनका भरोसा न्यायपालिका से उठ जाता है। आखिर यह क्या तरीका है? इन लोगों को शायद यह नहीं पता है कि इस देश में न्यायपालिका नाम की एक व्यवस्था है, जिसके तहत अगर दो पक्षों के बीच में झगड़ा होता है, तो ऐसी स्थिति में न्यायालय की तरफ से समस्या के समाधान के लिए हस्तक्षेप किया जाता है।