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इंग्लैंड ने किया टी20 वर्ल्ड कप स्क्वॉड का ऐलान, एशेज हीरो की टीम में एंट्री

नई दिल्ली  इंग्लैंड क्रिकेट बोर्ड ने 7 फरवरी से भारत और श्रीलंका में शुरू हो रहे टी20 वर्ल्ड कप 2026 के लिए अपनी प्रोविजनल स्क्वॉड का ऐलान कर दिया है। प्रोविजनल स्क्वॉड का मतलब यह है कि इंग्लैंड अभी इस स्क्वॉड में बदलाव कर सकता है, यह उनकी फाइनल टीम नहीं है। बता दें, आईसीसी के नियमों के अनुसार टूर्नामेंट से एक महीने पहले तक सभी टीमों को अपने-अपने स्क्वॉड का ऐलान करना होता है, डेडलाइन खत्म होने से पहले तक टीमें बिना आईसीसी की परमिशन के बदलाव कर सकती है। डेडलाइन खत्म होने के बाद उन्हें एक भी बदलाव करने के लिए परमिशन की जरूरत होगी। बता दें, इंग्लैंड क्रिकेट बोर्ड ने हैरी ब्रूक को कप्तान बनाए रखा है, वहीं एशेज सीरीज में धमाल मचाने वाले जोश टंग को पहली बार टीम में चुना गया है। टंग ने ऑस्ट्रेलिया में इंग्लैंड को 15 साल बाद टेस्ट मैच जीताने में अहम भूमिका निभाई थी। उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच भी चुना गया था। इस टीम में जोफ्रा आर्चर भी हैं, जिन्हें एशेज सीरीज के दौरान चोट लगी थी। इंग्लैंड क्रिकेट बोर्ड ने बताया कि जोफ्रा आर्चर को T20 वर्ल्ड कप की प्रोविजनल टीम में शामिल किया गया है, लेकिन वह श्रीलंका दौरे पर नहीं जाएंगे क्योंकि वह इस महीने की शुरुआत में एडिलेड में तीसरे एशेज टेस्ट के दौरान लगी बाईं तरफ की चोट के बाद इंग्लैंड मेडिकल टीम के साथ अपना रिहैबिलिटेशन जारी रखेंगे। इंग्लैंड की टी20 वर्ल्ड कप प्रोविजनल स्क्वॉड हैरी ब्रूक (कप्तान), रेहान अहमद, जोफ्रा आर्चर, टॉम बैंटन, जैकब बेथेल, जोस बटलर, सैम कुरेन, लियाम डॉसन, बेन डकेट, विल जैक्स, जेमी ओवरटन, आदिल राशिद, फिल साल्ट, जोश टंग, ल्यूक वुड ICC पुरुष T20 वर्ल्ड कप 2026 – ग्रुप C इंग्लैंड बनाम नेपाल, रविवार 8 फरवरी 2026, वानखेड़े स्टेडियम, मुंबई इंग्लैंड बनाम वेस्टइंडीज, बुधवार 11 फरवरी 2026, वानखेड़े स्टेडियम, मुंबई बांग्लादेश बनाम इंग्लैंड, शनिवार 14 फरवरी 2026, ईडन गार्डन्स, कोलकाता इंग्लैंड बनाम इटली, सोमवार 16 फरवरी 2026, ईडन गार्डन्स, कोलकाता  

किसानों को राहत का तोहफा: योजनाओं का लाभ लेने में ट्रैक्टर की शर्त खत्म

चंडीगढ़  हरियाणा सरकार ने अनुसूचित जाति (SC) श्रेणी के किसानों को खेती में आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक अहम फैसला लिया है। राज्य सरकार ने वर्ष 2025-26 के लिए एससी किसानों को ट्रैक्टर खरीदने पर अनुदान देने की योजना शुरू की है। इस योजना के तहत 45 हॉर्स पावर (HP) तक के ट्रैक्टर की खरीद पर अधिकतम 3 लाख रुपये या ट्रैक्टर की कुल कीमत का 50 प्रतिशत (जो भी कम हो) अनुदान के रूप में दिया जाएगा। कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के अनुसार, इस योजना के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। इच्छुक किसान 15 जनवरी तक विभाग के पोर्टल के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं। योजना की एक प्रमुख शर्त यह है कि किसान “मेरी फसल-मेरा ब्योरा” पोर्टल पर पंजीकृत हों। इसके अलावा एससी श्रेणी के किसान के पास कृषि भूमि का स्वामित्व होना जरूरी है, हालांकि परिवार पहचान पत्र (PPP) में दर्ज परिवार के किसी भी सदस्य के नाम भूमि होना भी मान्य होगा। योजना का लाभ वही किसान उठा सकेंगे जिन्होंने पिछले पांच वर्षों में किसी भी सरकारी योजना के तहत ट्रैक्टर पर अनुदान प्राप्त नहीं किया हो। आवेदन जिलावार मांगे गए हैं और प्राप्त आवेदनों की संख्या के आधार पर प्रत्येक जिले का लक्ष्य तय किया जाएगा। यदि किसी जिले में आवेदन निर्धारित लक्ष्य से अधिक हो जाते हैं, तो उपायुक्त की अध्यक्षता में गठित जिलास्तरीय कार्यकारी समिति (DLEC) द्वारा लॉटरी यानी ड्रॉ के माध्यम से चयन किया जाएगा। चयनित किसानों को दस्तावेज सत्यापन के लिए सहायक कृषि अभियंता (AAE) कार्यालय बुलाया जाएगा। सत्यापन पूरा होने के बाद पात्र किसानों को ऑनलाइन परमिट जारी किया जाएगा, जिसके बाद 15 दिनों के भीतर ट्रैक्टर खरीदना अनिवार्य होगा।   ट्रैक्टर की खरीद के बाद ओटीपी के जरिए डीलर, निर्माता और किसान का सत्यापन किया जाएगा। बीमा, आरटीओ पंजीकरण, लोकेशन आधारित फोटो समेत सभी दस्तावेज अनिवार्य होंगे। अनुदान पर खरीदा गया ट्रैक्टर अगले पांच वर्षों तक बेचा नहीं जा सकेगा। सभी प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद अनुदान की राशि सीधे किसान के बैंक खाते में भेजी जाएगी।  

टी20 रैंकिंग में शफाली वर्मा की लंबी छलांग, टॉप पोजिशन पर कब्जे के करीब

नई दिल्ली टीम इंडिया की स्टार ओपनिंग बैटर शेफाली वर्मा ने लेटेस्ट आईसीसी टी20 रैंकिंग में लंबी छलांग लगाई है। श्रीलंका के खिलाफ जारी 5 मैच की टी20 सीरीज में शेफाली वर्मा 3 अर्धशतकों के साथ सर्वाधिक 236 रन बना चुकी है। इस धुआंधार परफॉर्मेंस का फायदा उन्हें आईसीसी टी20 रैंकिंग में हुआ है। शेफाली वर्मा ताजा आईसीसी टी20 रैंकिंग में चार पायदान की छलांग लगाते हुए 6ठे पायदान पर पहुंच गई है। वहीं श्रीलंका के खिलाफ पिछले मुकाबले में 80 रनों की पारी खेलने वाली स्मृति मंधाना तीसरे पायदान पर बनी हुई है। जेमिमा रोड्रिग्स को एक पायदान का नुकसान हुआ है, मगर वह अभी भी टॉप-10 में बनी हुई है। शेफाली, मिताली राज के बाद T20I बल्लेबाजों की रैंकिंग में टॉप पर पहुंचने वाली दूसरी भारतीय खिलाड़ी बनीं, जब वह 2020 में टॉप पर पहुंची थीं, लेकिन पिछले महीने ICC महिला क्रिकेट वर्ल्ड कप फाइनल में प्लेयर ऑफ द मैच परफॉर्मेंस के बाद ही उन्होंने हाल ही में अपनी बेस्ट फॉर्म हासिल की है। शेफाली वर्मा अब बल्लेबाजों की आईसीसी टी20 रैंकिंग में टॉप पर बैठी ऑस्ट्रेलिया की बेथ मूनी से सिर्फ 60 रेटिंग पॉइंट्स पीछे हैं। शेफाली के खाते में 736 अंक है, जबकि मूनी 794 अंक के साथ पहले पायदान पर है। भारत की विस्फोटक बैटर रिचा घोष को भी T20I बल्लेबाजों की अपडेटेड रैंकिंग में फायदा मिला है। 22 साल की रिचा ने तिरुवनंतपुरम में श्रीलंका के खिलाफ सीरीज के चौथे मैच में 40 रन की नाबाद पारी खेली थी, उनको इससे 7 पायदान का फायदा हुआ है। वह अब 20वें नंबर पर है। T20I गेंदबाजों की रैंकिंग में भी भारतीय खिलाड़ियों के लिए और अच्छी खबर है, शानदार फॉर्म में चल रही रेणुका सिंह और श्री चरानी को सबसे ज्यादा फायदा हुआ है। श्रीलंका के खिलाफ सीरीज के तीसरे मैच में टीम में वापसी करते हुए रेणुका ने चार विकेट लिए और इसके चलते T20I गेंदबाजों की लेटेस्ट लिस्ट में आठ पायदान ऊपर चढ़कर छठे स्थान पर पहुंच गईं हैं। वहीं लेफ्ट-आर्म स्पिनर चरानी ने श्रीलंका के खिलाफ शुरुआती चार मैचों में चार विकेट लिए हैं और वह 17 पायदान ऊपर चढ़कर T20I गेंदबाजों की रैंकिंग में कुल मिलाकर 52वें स्थान पर पहुंच गई हैं। दीप्ति शर्मा पहले पायदान पर बनी हुई है।  

अव्यवस्था का आलम: लुधियाना ड्राइविंग टेस्ट सेंटर पर उमड़ी भीड़, जनता हलकान

लुधियाना  लुधियाना के सेक्टर 32 के ऑटोमेटेड ड्राइविंग टेस्ट एंड ऑनलाइन लाइसेंस सेंटर में हालात सुधरने का नाम नहीं ले रहे हैं। रोज़ाना की तरह आज भी सुबह से ही बड़ी संख्या में लोग अपने ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने के लिए लाइन में लगे दिखाई दिए। इनमें दोपहिया और चार पहिया दोनों तरह के वाहन चालक शामिल हैं, जो घंटों से अपनी बारी का इंतज़ार करने को मजबूर हैं।   सेंटर स्टाफ की ओर से पहले चरण में चार पहिया वाहनों का ड्राइविंग टेस्ट शुरू तो करवाया गया, लेकिन इसकी रफ्तार बेहद धीमी रही। हालात ऐसे रहे कि चार पहिया वाहनों का टेस्ट ‘कछुआ चाल’ से चलता दिखा। वहीं, दोपहिया वाहन चालक पिछले दो घंटे से अधिक समय से अपनी बारी का इंतज़ार कर रहे हैं।   ड्राइविंग टेस्ट देने आए लोगों ने बताया कि न तो सही जानकारी दी जा रही है और न ही समय प्रबंधन ठीक है। कई आवेदकों ने आरोप लगाया कि बार-बार इंतज़ार के बावजूद काम आगे नहीं बढ़ रहा, जिससे उन्हें मानसिक और शारीरिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि स्टाफ की संख्या बढ़ाई जाए और ड्राइविंग टेस्ट प्रक्रिया को तेज़ किया जाए, ताकि आम जनता को इस तरह की परेशानी से राहत मिल सके।  

जयवर्धन सिंह ने दिग्विजय सिंह के विचारों का समर्थन किया, आलाकमान पर उठाए सवाल

भोपाल   बीजेपी संगठन और आरएसएस की तारीफ कर पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह पार्टी में चौतरफा घिरे हुए हैं. अब उनके बचाव में पूर्व मंत्री और बेटा जयवर्धन सिंह आए हैं. जयवर्धन सिंह ने सोशल मीडिया पर लिखा "यदि दिग्विजय सिंह कांग्रेसी नहीं, तो कोई कांग्रेसी नहीं है. थरूर हों या दिग्विजय सिंह हों, बोलने की आजादी बनी रहनी चाहिए. वे विद्वान आदमी हैं, उन्हें बोलते रहना चाहिए. उनका बोला सुना जाना चाहिए." लोकतांत्रिक संगठन में गुटबाजी होती है जयवर्धन सिंह ने लिखा "दिग्विजय सिंह ने कोई बयान दिया, जिस पर कहर बरपा हुआ है. सोशल मीडिया की तमाम फीड में उन पर मूर्खतापूर्ण आरोप लगाती पोस्ट दिख रही हैं. वे कांग्रेस की आम राजनीतिक संस्कृति से लबरेज हैं, जिसमें गुटबाजी एक अहम भाग है. इसका नुकसान कांग्रेस को होता रहा है, पर लोकतांत्रिक संगठनों में भी विचार, गुट, क्यों नहीं होने चाहिए."  वह लिखते हैं "आखिर सारे विचार बुद्धि का ठेका शीर्ष नेतृत्व लेकर रखे और बाकी देशभर में करोड़ों सदस्य, सब उसी मालिक का एम्पलीफायर रिकार्ड बजाने वाले बुद्धिहीन रोबोट हो जाएं. ऐसा संगठन, एक फॉसिस्ट होता है." दिग्विजय सिंह से बड़ा कोई कांग्रेसी नहीं दिग्विजय सिंह के बेटे जयवर्धन सिंह ने लिखा "कांग्रेस में सब कुछ हो सकता है, पर फॉसिस्ट नहीं. थरूर हों या दिग्विजय, उन्हें बोलते रहना चाहिए. कुछ माना जाना चाहिए, कुछ रिजेक्ट करने लायक भी हो सकता है. लेकिन विशेषकर दिग्विजय सिंह के लिए कोई कहे कि वह बीजेपी में चले जाएंगे या कांग्रेस को जमींदोज करने के गुप्त षडयंत्र में शामिल हैं, तो इससे बड़ी मूर्खता कुछ नहीं." "अगर दिग्विजय सिंह कांग्रेस के शुभचिंतक नहीं तो दुनिया में कोई और शुभचिंतक नहीं. उनके विरुद्ध बड़े बोल लिखने-बोलने वाले तो कतई नहीं. आप दिग्विजय सिंह से बड़ा कांग्रेसी हो नहीं सकते." दिग्विजय सिंह के किस ट्वीट पर मचा बवाल दिग्विजय सिंह ने पिछले दिनों एक फोटो टैग कर आरएसएस की तारीफ की थी. उन्होंने 27 दिसंबर को कांग्रेस वर्किंग कमेटी की बैठक से ठीक पहले पुरानी तस्वीर शेयर की. इसमें प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को युवावस्था में लालकृष्ण आडवाणी के पैरों के पास जमीन पर बैठे दिखाया गया. इसके बाद उन्होंने लिखा "कैसे एक साधारण कार्यकर्ता मुख्यमंत्री और फिर प्रधानमंत्री बन सकता है. यह संगठन की शक्ति है." 

2026 में धन-समृद्धि का योग: साल के पहले दिन महिलाओं के लिए खास काम, बरसेगी लक्ष्मी कृपा

साल 2026 की शुरुआत होने में अब बहुत ज्यादा समय नहीं बचा है. नए साल से हर कोई ये आशा रखता है कि नया साल उसके जीवन में नई उम्मीदें और सकारात्मक ऊर्जा लेकर आए. नए साल के पहले दिन पूजा-पाठ का विधान है. हिंदू मान्यताओं के अनुसार, नए साल की शुरुआत पूजा-पाठ से की जाती है, तो मां लक्ष्मी का विशेष आशीर्वाद घर पर बना रहता है. नए साल पर पूजा-पाठ के साथ-साथ कुछ विशेष कामों को करने के लिए भी कहा जाता है. हिंदू मान्यता है कि अगर घर की महिलाएं नए साल के पहले दिन ये विशेष काम कर लें तो घर में मां लक्ष्मी की कृपा से पूरे साल बरकत बनी रहती है. ऐसे में आइए जानते हैं नए साल के पहले दिन किए जाने वाले इन विशेष कामों के बारे में. नए साल के पहले दिन महिलाएं करें ये काम ब्रह्म मुहूर्त स्नान करें और सूर्यदेव को जल चढ़ाएं साल 2026 के पहले दिन महिलाए ब्रह्म मुहूर्त में उठें और स्नान करें. अगर संभव हो सके तो पानी में गंगाजल मिलाकर स्नान करें. स्नान के बाद साफ वस्त्र धारण करें और भगवान सूर्य को अर्घ्य दें. कहा जाता है ऐसा करने से सकारात्मक उर्जा मिलती है और साल भर सौभाग्य बना रहता है. तुलसी की पूजा करें नए साल के पहले दिन तुलसी के पौधे में जल अर्पित करें. पौधे में लाल रंग का कलावा अवश्य बांधें. शाम के समय तुलसी के पौधे के पास दीपक जलाएं. भगवान विष्णु के मंत्रों का जाप करें. इससे माता लक्ष्मी प्रसन्न होती हैं और घर में धन की कमी नहीं होती. बड़े-बुजुर्गों का आशीर्वाद लें नए साल के पहले दिन पूजा के बाद घर के बड़े-बुजुर्गों का आशीर्वाद लें उनके चरण छुएं और उनसे कहें कि उन्हें आप हमेशा खुश रखेंगे. माना जाता है कि जिस घर के बुजुर्ग खुश रहते हैं, वहां समृद्धि हमेशा बनी रहती है. गाय को रोटी खिलाएं नए साल के पहले दिन महिलाएं गाय को ताजी रोटी खिलाएं. गरीबों और जरूरतमंदों को अन्न, धन, कंबल या उपयोगी वस्तुओं का दान करें.

रायपुर: छाती के दुर्लभ कैंसर का सफल ऑपरेशन, अम्बेडकर अस्पताल में बची 29 वर्षीय मरीज की जान

रायपुर : छाती के दुर्लभ कैंसर का सफल ऑपरेशन, अम्बेडकर अस्पताल रायपुर में बची मरीज की जान 29 वर्षीय युवक के मेडियास्टाइनल जर्म सेल ट्यूमर का सफल उपचार रायपुर पं. जवाहरलाल नेहरू स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय से संबद्ध डॉ. भीमराव अम्बेडकर स्मृति चिकित्सालय, रायपुर के कैंसर सर्जरी विभाग ने चिकित्सा क्षेत्र में एक और उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। कैंसर सर्जरी विभाग की टीम ने छाती के एक दुर्लभ एवं जटिल कैंसर; मेडियास्टाइनल जर्म सेल ट्यूमर का सफल ऑपरेशन कर एक बार फ़िर एक 29 वर्षीय पुरुष मरीज की जान बचाई। मरीज छाती में गांठ, सांस लेने में तकलीफ और लगातार दर्द की शिकायत के साथ अस्पताल पहुंचा था।   कैंसर सर्जरी विभागाध्यक्ष डॉ. आशुतोष गुप्ता ने केस की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि- पूर्व में मरीज का उपचार एम्स रायपुर के कैंसर विभाग में चल रहा था, जहां बायोप्सी जांच में मेडियास्टाइनल जर्म सेल ट्यूमर की पुष्टि हुई। प्रारंभिक जांच में छाती के बीच स्थित गांठ का आकार लगभग 13x18x16 सेंटीमीटर पाया गया, जो हृदय के समीप बड़ी रक्त नलियों से चिपकी हुई थी। उच्च जोखिम को देखते हुए एम्स रायपुर के चिकित्सकों ने पहले कीमोथेरेपी देने का निर्णय लिया। जनवरी 2025 से जून 2025 तक मरीज को छह चक्र (cycle) कीमोथेरेपी दी गई, जिससे गांठ का आकार घटकर 4x3x4 सेंटीमीटर रह गया। इसके बाद मरीज को एम्स रायपुर से रेफर कर डॉ. भीमराव अम्बेडकर स्मृति चिकित्सालय के कैंसर सर्जरी विभागाध्यक्ष डॉ. आशुतोष गुप्ता के पास भेजा गया। डॉ. गुप्ता ने सभी जांच रिपोर्टों का गहन परीक्षण करने के बाद सर्जरी का निर्णय लिया। गांठ की संवेदनशील स्थिति को देखते हुए हृदय सर्जरी विभागाध्यक्ष से परामर्श लिया गया तथा निश्चेतना विभाग से सर्जरी की फिटनेस प्राप्त की गई। लगभग 3 से 4 घंटे तक चली इस जटिल सर्जरी में गांठ को बाएं फेफड़े के एक हिस्से सहित अत्यंत निपुणता से निकाला गया।  सर्जरी पूरी तरह सफल रही और मरीज को कुछ दिनों के उपचार के बाद स्वस्थ अवस्था में अस्पताल से छुट्टी दे दी गई। उपचार के बाद मरीज समय- समय पर फॉलोअप के लिए चिकित्सालय आ रहा है।  इस जटिल ऑपरेशन में डॉ. आशुतोष गुप्ता, डॉ. के. के. साहू, डॉ. किशन सोनी, डॉ. गुंजन अग्रवाल, डॉ. सुश्रुत अग्रवाल, डॉ. समृद्ध, डॉ. लावण्या, डॉ. सोनम एवं डॉ. अनिल की महत्वपूर्ण भूमिका रही।  मेडियास्टाइनल जर्म सेल ट्यूमर छाती के मध्य भाग में जर्म कोशिकाओं से उत्पन्न होने वाला दुर्लभ कैंसर है, जो सामान्यतः 20 से 40 वर्ष आयु वर्ग के पुरुषों में पाया जाता है। इसके प्रमुख लक्षणों में खांसी, सांस लेने में तकलीफ और छाती में दर्द शामिल हैं। इस कैंसर का उपचार कीमोथेरेपी एवं सर्जरी के माध्यम से किया जाता है, जिसमें सर्जिकल ऑन्कोलॉजिस्ट और रेडिएशन ऑन्कोलॉजिस्ट मिलकर कार्य करते हैं।  यदि इस कैंसर का समय रहते पता चल जाए और उचित उपचार किया जाए तो पांच वर्षीय सर्वाइवल रेट 90 प्रतिशत से अधिक होता है।

योगी सरकार में श्रम सुधारों ने पकड़ी रफ्तार, चार श्रम कानूनों से श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा का मिला मजबूत कवच

ईयर एंडर 2025 श्रमिक कल्याण, रोजगार और औद्योगिक विस्तार का स्वर्णिम वर्ष साबित हुआ 2025 योगी सरकार में श्रम सुधारों ने पकड़ी रफ्तार, चार श्रम कानूनों से श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा का मिला मजबूत कवच वन ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था में श्रम विभाग की अहम भूमिका, आठ वर्षों में दोगुने से अधिक नये कारखाने रजिस्टर्ड ‘श्रम न्याय सेतु’ से श्रम न्याय हुआ डिजिटल और पारदर्शी, पेपरलेस गवर्नेंस में उत्तर प्रदेश को मिला राष्ट्रीय सम्मान उत्तर प्रदेश रोजगार मिशन से युवाओं को देश-विदेश में मिले अवसर, रोजगार महाकुंभ-2025 में 16 हजार से अधिक युवाओं को नौकरी ईएसआई योजना में डिजिटल हेल्थ की नई शुरुआत, AAA+ App से घर बैठे इलाज, दवा और जांच की मिली सुविधा आरोग्य मंथन-2025 से श्रमिक स्वास्थ्य सेवाओं को मिली नई दिशा, निर्माण श्रमिकों के लिए ऑनसाइट मुफ्त स्वास्थ्य जांच मोबाइल मेडिकल यूनिट से 10 हजार श्रमिकों को लाभ का लक्ष्य, 360 डिग्री लाइव मॉनिटरिंग से अटल आवासीय विद्यालयों पर नजर लखनऊ  वर्ष 2025 उत्तर प्रदेश के श्रम विभाग और श्रमिक कल्याण के दृष्टिकोण से एक ऐतिहासिक और परिवर्तनकारी वर्ष के रूप में दर्ज हुआ है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में श्रम एवं सेवायोजन विभाग ने न केवल श्रमिकों के हितों की रक्षा को नई दिशा दी, बल्कि प्रदेश की अर्थव्यवस्था को वन ट्रिलियन डॉलर तक पहुंचाने के लक्ष्य में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया। वर्ष 2025 इसलिए भी खास रहा क्योंकि इसी वर्ष भारत सरकार द्वारा चार श्रम संहिताओं को अधिसूचित किया गया, जिन्हें श्रमिक हितों की दिशा में मील का पत्थर माना जा रहा है। कारखानों का पंजीकरण दोगुने से भी अधिक प्रमुख सचिव श्रम एवं सेवायोजन डॉ शन्मुगा सुंदरम ने बताया कि योगी सरकार की नीतियों और सुधारों का प्रत्यक्ष परिणाम यह रहा कि प्रदेश में लगातार बड़ी संख्या में नये कारखानों की स्थापना और पंजीकरण हुआ। बीते आठ वर्षों की तुलना में 2025 तक कारखानों का पंजीकरण दोगुने से भी अधिक हो गया, जिससे रोजगार के नये अवसर सृजित हुए और औद्योगिक वातावरण मजबूत हुआ। विशेष रूप से महिला कर्मकारों के लिए वर्ष 2025 ने नए अवसरों के द्वार खोले और उन्हें अधिक सुरक्षित व सशक्त कार्यपरिस्थितियां उपलब्ध कराईं। ई-कोर्ट व्यवस्था: श्रम न्याय की डिजिटल क्रांति श्रम अधिनियमों के अंतर्गत लंबित वादों की सुनवाई को सरल, पारदर्शी और त्वरित बनाने के लिए श्रम विभाग ने एक ऐतिहासिक कदम उठाया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा 26 अगस्त 2025 को “श्रम न्याय सेतु /लेबर ई कोर्ट प्लेटफॉर्म” का शुभारंभ किया गया। यह पोर्टल न केवल पेपरलेस गवर्नेंस का उदाहरण बना, बल्कि इसे 19वें नेशनल डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन अवार्ड्स 2025 में पेपरलेस गवर्नेंस चैंपियन श्रेणी में सम्मानित भी किया गया। रोजगार निदेशालय: युवाओं को अवसरों से जोड़ने का मिशन प्रदेश के युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने के उद्देश्य से उत्तर प्रदेश रोजगार मिशन का गठन किया गया। इसके अंतर्गत घरेलू ही नहीं बल्कि विदेशी रोजगार के अवसरों को भी बढ़ावा दिया गया। रोजगार संगम पोर्टल से MEA पंजीकृत 5 रिक्रूटमेंट एजेंसियों (RA) को जोड़ा गया, जिससे अंतरराष्ट्रीय प्लेसमेंट को नई गति मिली। यहीं नहीं, रोजगार महाकुंभ 2025 का आयोजन इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान, लखनऊ में किया गया, जहां 16,000 से अधिक युवाओं का चयन और प्लेसमेंट हुआ। 1,612 युवाओं को विदेश में रोजगार के लिए शॉर्टलिस्ट किया गया। इसके साथ ही 18 दिसंबर 2025 को वाराणसी में आयोजित अंतर्राष्ट्रीय मोबिलिटी कॉन्क्लेव 2025 में भारत सरकार, अंतरराष्ट्रीय संगठनों, राजदूतों, रिक्रूटमेंट एजेंसियों और उद्योग संघों ने भाग लिया। इस कॉन्क्लेव में सहमति पत्रों पर हस्ताक्षर के साथ एक एकीकृत अंतर्राष्ट्रीय रोजगार सुविधा तंत्र का रोडमैप तैयार किया गया। कर्मचारी राज्य बीमा योजना (ESI): स्वास्थ्य सेवाओं में नवाचार बीमित श्रमिकों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से आरोग्य मंथन कार्यक्रम 2025 का आयोजन 11 दिसंबर 2025 को कानपुर में किया गया। इस अवसर पर QR कोड इनेबिल्ड ‘माइक्रोसॉफ्ट आरोग्य शक्ति अभियान’ का शुभारंभ, आरोग्य संकल्प पत्र का विमोचन और AAA+ App की शुरुआत की गई। AAA+ App के माध्यम से अब श्रमिक घर बैठे अपॉइंटमेंट, दवाओं की डिलीवरी और सभी मेडिकल टेस्ट रिकॉर्ड डिजिटल रूप से प्राप्त कर सकेंगे। इसके अलावा, चेन्नई, हैदराबाद और फरीदाबाद के ईएसआईसी प्रीमियर संस्थानों की बेस्ट प्रैक्टिस को उत्तर प्रदेश में लागू करने की पहल भी की गई। भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड: श्रमिकों के लिए नई पहल निर्माण श्रमिकों के कल्याण के लिए बोर्ड द्वारा कई नवाचार किए गए। इसके तहत, 23 दिसंबर 2025 को ऑनसाइट निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण हेतु मोबाइल मेडिकल यूनिट का शुभारंभ किया गया। पहले चरण में 10,000 श्रमिकों के स्वास्थ्य परीक्षण का लक्ष्य रखा गया है। इसके अतिरिक्त, प्रदेश के 18 जनपदों में संचालित अटल आवासीय विद्यालयों की निगरानी हेतु 360 डिग्री लाइव मॉनिटरिंग कमांड सेंटर की स्थापना की गई, जिसका लोकार्पण मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 26 अगस्त 2025 को किया। साथ ही, निर्माण स्थलों पर Recognition of Prior Learning (RPL) प्रशिक्षण की शुरुआत की गई, जिससे श्रमिकों के कौशल का प्रमाणन और उन्नयन सुनिश्चित हुआ। बोर्ड द्वारा कन्या विवाह सहायता योजना में आर्थिक सहायता बढ़ाते हुए सामान्य विवाह हेतु ₹65,000, अंतरजातीय विवाह हेतु ₹75,000 और न्यूनतम 11 जोड़ों के सामूहिक विवाह की स्थिति में 85 हजार की धनराशि बोर्ड द्वारा आर्थिक सहायता का प्रावधान किया गया।

पुणे महानगरपालिका चुनाव से पहले NDA में दरार गहरी, BJP और शिवसेना में बढ़ी तल्खी

पुणे  महाराष्ट्र में आगामी पुणे महानगरपालिका (पीएमसी) चुनावों से पहले सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन में दरार पड़ती दिख रही है। एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर आरोप लगाया है कि उसने चुनाव-पूर्व गठबंधन में शिवसेना को सम्मानजनक सीटों का हिस्सा नहीं दिया। मंगलवार को शिंदे गुट की शिवसेना ने कहा कि वह राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) की सहयोगी भाजपा से अलग होने के लिए पूरी तरह तैयार है। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री और भाजपा नेता देवेंद्र फडणवीस ने इससे पहले राज्य की सभी 29 नगर निगमों में शिवसेना के साथ मिलकर चुनाव लड़ने की घोषणा की थी। हालांकि पुणे महानगरपालिका के लिए भाजपा द्वारा प्रस्तावित 165 में से केवल 16 सीटें शिवसेना को देने के फार्मूले को पार्टी की स्थानीय इकाई ने सिरे से खारिज कर दिया। पुणे मनपा के चुनाव 15 जनवरी को होने हैं, जबकि नतीजे 16 जनवरी को घोषित किए जाएंगे। रिपोर्ट के मुताबिक, सीट बंटवारे पर नाराजगी जताते हुए शिवसेना नेता अजय भोसले ने कहा- भाजपा का व्यवहार हमें आहत करने वाला है। इस सीट-शेयरिंग फॉर्मूले को हम स्वीकार नहीं कर सकते। गठबंधन पर अंतिम फैसला पार्टी स्तर पर होना है, लेकिन हमने 60 इच्छुक उम्मीदवारों को आधिकारिक पार्टी दस्तावेज दे दिए हैं। वहीं पार्टी के सुर में सुर मिलाते हुए शिवसेना पुणे शहर इकाई के प्रमुख नाना भांगिरे ने कहा- पुणे में भाजपा के साथ गठबंधन अब लगभग समाप्त हो चुका है। इस बीच भाजपा ने उन सीटों पर भी अपने उम्मीदवारों की घोषणा कर दी है, जिन पर शिवसेना दावा कर रही थी। शिवसेना नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा ने नगरपालिका में जीत की मजबूत संभावना न होने के बावजूद सीटों का बड़ा हिस्सा खुद ले लिया। एक पार्टी नेता ने कहा कि एकनाथ शिंदे की शिवसेना सभी सीटों पर स्वतंत्र रूप से चुनाव लड़ने को तैयार है। गौरतलब है कि 2017 के पुणे मनपा चुनावों में शिवसेना ने 10 सीटें जीती थीं। इनमें से सात पूर्व पार्षद बाद में भाजपा में शामिल हो गए, और अब भाजपा ने उन्हें ही अपने उम्मीदवार के तौर पर मैदान में उतार दिया है। राजनीतिक हलचल के बीच सोमवार रात शिवसेना के नेता रविंद्र धांगलेकर ने राष्ट्रीय कांग्रेस पार्टी प्रमुख अजित पवार से मुलाकात कर संभावित गठबंधन पर चर्चा की। धांगलेकर ने बताया- अजित पवार ने आश्वासन दिया है कि वे इस प्रस्ताव पर विचार कर शिवसेना को जल्द जवाब देंगे। वहीं, शिवसेना मंत्री उदय सामंत भी पुणे पहुंचे और उन्होंने स्थानीय नेताओं के साथ बैठक कर चुनावी रणनीति पर मंथन किया। कुल मिलाकर, पुणे मनपा चुनाव से ठीक पहले भाजपा-शिवसेना के रिश्तों में खटास ने राजनीतिक समीकरणों को पूरी तरह बदल दिया है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि शिवसेना अकेले मैदान में उतरती है या फिर किसी नए राजनीतिक गठबंधन का रास्ता चुनती है।  

नए साल पर J&K बनेगा म्यूज़िक हब, मशहूर पंजाबी सिंगर लगाएंगे सुरों का तड़का

जम्मू  जम्मू-कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश के जम्मू में पंजाबी संगीत प्रेमियों के लिए बड़ी खुशखबरी है। पंजाबी म्यूजिक इंडस्ट्री के लोकप्रिय कलाकार निंजा जम्मू पहुंच रहे हैं। वह पटनीटॉप–सानासर विंटर कार्निवल 2025 के दौरान अपनी लाइव परफॉर्मेंस से दर्शकों का मनोरंजन करेंगे। ठंड और रोमांच के अनोखे संगम के साथ यह बहुप्रतीक्षित विंटर कार्निवल 30 और 31 दिसंबर 2025 को सानासर और पटनीटॉप में आयोजित किया जाएगा। साल के अंत में होने वाला यह आयोजन पर्यटकों और स्थानीय लोगों के लिए खास आकर्षण का केंद्र बनेगा। कार्निवल के दौरान पंजाबी सिंगर निंजा के लाइव शो के अलावा कई रंगारंग कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। आयोजन स्थल पर लाइव म्यूजिक बैंड, स्थानीय लोक कलाकारों की प्रस्तुतियां, घुड़सवारी, नाव दौड़ और ओपन माइक जैसे कार्यक्रम दर्शकों को रोमांचित करेंगे।   इसके साथ ही पारंपरिक व्यंजनों के स्टॉल, स्ट्रीट बाजार और मेगा गिफ्ट हैम्पर्स भी लोगों के लिए खास आकर्षण रहेंगे। पर्यटन विभाग की ओर से इस आयोजन को भव्य बनाने की तैयारियां जोरों पर हैं। पटनीटॉप–सानासर विंटर कार्निवल 2025 न सिर्फ पर्यटन को बढ़ावा देगा, बल्कि जम्मू-कश्मीर की सांस्कृतिक विरासत और स्थानीय प्रतिभाओं को भी एक नया मंच प्रदान करेगा।