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नए साल में आपकी राशि को लेकर क्या कहते हैं सितारे? 6 जनवरी का राशिफल देखें

मेष राशि- आज का दिन आपको धीरे लेकिन ठोस कदम उठाने की सीख देता है। मन मे जोश रहेगा और कुछ नया करने का मन भी करेगा, लेकिन अगर आप जल्दबाजी से बचेंगे तो ज्यादा फायदा होगा। कामकाज मे जिम्मेदारी बढ सकती है और लोग आपसे उम्मीद रखेंगे। गुस्से मे बोले गए शब्द नुकसान पहुंचा सकते है, इसलिए शांत रहना जरूरी है। घर के मामले मे भी समझदारी दिखाने से माहौल अच्छा रहेगा। शाम के समय किसी काम के पूरे होने से आत्मसंतोष मिलेगा। वृषभ राशि- आज आप अंदर से स्थिर और संतुलित महसूस करेंगे। बिना ज्यादा भागदौड के भी काम पूरे हो सकते है। परिवार के साथ बातचीत करने से मन हल्का होगा। पैसो को लेकर आज कोई फैसला लेना हो तो सोच समझकर लें। फालतू खर्च से बचना फायदेमंद रहेगा। आज का दिन आपको यह सिखाता है कि धैर्य और निरंतरता से भी तरक्की होती है। स्वास्थ्य के मामले मे भी आज सावधानी रखना सही रहेगा। मिथुन राशि- आज बातचीत और संपर्क आपके लिए बहुत जरूरी रहेंगे। किसी दोस्त या सहकर्मी से ऐसी जानकारी मिल सकती है जो आगे काम आए। दिमाग तेज चलेगा और कई विचार आएंगे, लेकिन एक साथ बहुत सारे काम हाथ मे लेने से बचें। आज छोटे फैसले भी भविष्य मे बडा फायदा दे सकते है। बोलते समय शब्दो का चयन ध्यान से करें। सुनने की आदत आज आपको आगे ले जाएगी। कर्क राशि- आज भावनात्मक रूप से आप थोडे़ संवेदनशील रह सकते हैं। पुरानी बाते या यादे मन मे आ सकती है। किसी अपने से दिल की बात साझा करने से मन को सुकून मिलेगा। कामकाज मे गति धीमी रह सकती है लेकिन दिशा सही रहेगी। आज खुद को समय देना भी जरूरी है। ज्यादा सोचने से बचें और जो आपके हाथ मे है उसी पर ध्यान दें। शाम तक मन शांत होने लगेगा। सिंह राशि- आज आपकी मौजूदगी लोगो को साफ नजर आएगी। कामकाज मे नेतृत्व करने का मौका मिल सकता है। लोग आपकी बात मानेंगे और आपकी राय को महत्व देंगे। आत्मविश्वास अच्छा रहेगा, बस अहंकार से दूरी रखें। रिश्तो मे गर्माहट बनी रहेगी अगर आप सामने वाले को भी बोलने का मौका देंगे। आज सही समय पर कही गई बात आपकी छवि को मजबूत बनाएगी। कन्या राशि- आज मेहनत और अनुशासन आपका सबसे बडा सहारा रहेगा। कामकाज में फोकस बना रहेगा और सीनियर आपकी कोशिशो को नोटिस कर सकते है। नतीजे तुरंत न मिले लेकिन दिशा बिल्कुल सही रहेगी। परिवार की जिम्मेदारियों को भी समय देना पड़ेगा। धैर्य और लगातार प्रयास आपको आगे बढ़ाएगा। तुला राशि- आज काम का दबाव थोडा ज्यादा महसूस हो सकता है। आप हर चीज सही करना चाहते है, लेकिन खुद पर ज्यादा बोझ न डालें। प्राथमिकता के आधार पर काम करें तो दिन बेहतर रहेगा। सेहत और नींद पर ध्यान देना जरूरी है। छोटी बातो को लेकर चिंता न करें। आज यह समझना जरूरी है कि हर चीज परफेक्ट होना जरूरी नहीं होता। वृश्चिक राशि- आज आपकी अलग सोच और नजरिया काम आएगा। कोई नया विचार या योजना बन सकती है। लोग आपकी बात सुनेंगे लेकिन सबको खुश करने की कोशिश न करें। रिश्तो मे आजादी जरूरी लगेगी, फिर भी सामने वाले की भावना समझना जरूरी है। आज शांत और साफ बातचीत से काम बनेगा। धनु राशि- आज संतुलन बनाकर चलना बहुत जरूरी है। कोई पुराना मुद्दा बातचीत से सुलझ सकता है। रिश्तो मे साफ और सधी हुई बात रखने से गलतफहमी दूर होगी। खर्च सोच समझकर करें, खासकर गैर जरूरी चीजो पर। आज लिया गया कोई शांत फैसला आने वाले समय मे राहत देगा। खुद को भी उतनी ही अहमियत दें जितना दूसरो को देते हैं। मकर राशि- आज आप अंदर ही अंदर काफी कुछ सोचते रह सकते है। किसी बात की सच्चाई सामने आ सकती है जिससे नजरिया बदलेगा। हर चीज को नियंत्रित करने की कोशिश न करें। धैर्य रखें और समय को अपना काम करने दें। कामकाज मे भी आज शांत रहना फायदेमंद रहेगा। जो होना है वह धीरे धीरे साफ होता जाएगा। कुंभ राशि- आज मन हल्का और सकारात्मक रहेगा। कुछ नया सीखने या करने का विचार आ सकता है। दोस्ती और बातचीत से ऊर्जा मिलेगी। घूमने फिरने या बदलाव का मन करेगा। खर्च पर थोडा नियंत्रण रखना जरूरी है। जिम्मेदारियो से भागने के बजाय उन्हें समझदारी से निभाएंगे तो दिन संतोष देगा। मीन राशि- आज दिल नरम रहेगा और दूसरों के लिए कुछ करने का मन करेगा। किसी की मदद करने से आत्मसंतोष मिलेगा। कामकाज मे ध्यान भटक सकता है, इसलिए खुद को बार बार फोकस मे लाना होगा। भावनाओं मे बहने से बचें। खुद के लिए भी समय निकालना जरूरी है। छोटी खुशियां आज दिल को सुकून देंगी।

एक्सप्रेसवे से जुड़े किसानों के लिए राहत खबर, कैमूर में 6 जनवरी को लगेगा मुआवजा शिविर

भभुआ भारतमाला परियोजना के तहत बन रहे वाराणसी-रांची-कोलकाता एक्सप्रेसवे के निर्माण कार्य को गति देने के लिए जिला प्रशासन सक्रिय हो गया है। डीएम के निर्देशानुसार अधिग्रहित भूमि के मुआवजा भुगतान में तेजी लाने के लिए जिले के विभिन्न अंचलों में छह जनवरी से आठ जनवरी 2026 तक विशेष शिविर आयोजित किए जाएंगे। शिविर का मुख्य उद्देश्य रैयतों के दस्तावेजों का मौके पर ही सत्यापन कर भुगतान की प्रक्रिया को तत्काल निष्पादित करना है। प्रशासन द्वारा जारी रोस्टर के अनुसार जिले के पांच अंचलों के 73 गांवों (मौजा) के लिए शिविर स्थल निर्धारित किए गए हैं। शिविर पूर्वाह्न 10:30 बजे से शुरू होगा।   कहां किस दिन लगेगा शिविर अंचल रामपुर     रामपुर, अकोढ़ी, टेटिहां, करिगाई, नरजो, चमरियांव के लिए 06 जनवरी पंचायत भवन, अकोढ़ी     विजरा, झलखोरा, निस्जा, पाली, पतीला, रामपुर के लिए सात जनवरी पंचायत भवन, रामपुर     लोहंदी, गंगापुर, बसनी, परमालपुर के लिए आठ जनवरी को सामुदायिक भवन, ठकुरहट में शिविर लगेगा। अंचल भभुआ     भभुआ, बेतरी, कुड़ासन, ढढ़नियां, गोडहन, दुमदुम – छह जनवरी पंचायत सरकार भवन, दुमदुम     सिवों, बिलारो – सात जनवरी- पंचायत भवन, सिवों     माधोपुर, सेमरिया, धरवार, सेमरा – आठ जनवरी, पंचायत भवन, रूद्रवार कला अंचल भगवानपुर     भगवानपुर, ओरा, दुबौली, बहोरनपुर – छह जनवरी संसाधन ढेहरियां     ददरा, कोचाड़ी, कोचड़ा, कुसडेहरा – सात जनवरी – पंचायत सरकार भवन, पढौती     बबुरा, ढेकहरी, भैरोपुर – आठ जनवरी – पंचायत सरकार भवन, पढौती अंचल चांद     चाँद गोई (सहबाजपुर टोला), बैरी, गेहूंआ – छह जनवरी – पंचायत भवन, गोई     सिहोरियां, जिगना, खैटी, कड़ियरा – सात जनवरी – सामुदायिक भवन, सिहोरिया     औरईया, भेरी, लहुरी बैरी, सरैला, बघैला – आठ जनवरी- प्रखंड सभागार, चांद अंचल चैनपुर     चैनपुर, सिहोरा, विरना, करवौंदिया, दुलहरा – छह जनवरी, पंचायत भवन, जगरिया     मानपुर, गाजीपुर, विउर, खखड़ा, सिरबिट – सात जनवरी पंचायत भवन, जिगना, सामुदायिक भवन, सिरबिट     सिकन्दरपुर, डड़वा, मसोई खूर्द, मसोई कला – आठ जनवरी – सामुदायिक भवन, सिकन्दरपुर     चैनपुर सिहोरा, विरना, करवौंदिया -छह जनवरी – पंचायत भवन, जगरीया भुगतान के पूर्व होगी जमीन की मापी जिला भू-अर्जन कार्यालय के अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे एलए खतियान और पंचाट सूची के साथ मौके पर मौजूद रहेंगे। शिविर में ही अंचलाधिकारी और राजस्व कर्मचारी जमीन के कागजातों का मिलान करेंगे। भुगतान से पूर्व जमीन की भौतिक मापी भी सुनिश्चित की जाएगी ताकि किसी भी त्रुटि की गुंजाइश न रहे। अनुमंडल पदाधिकारी और भूमि सुधार उप समाहर्ता स्वयं इन कैंपों की निगरानी और अध्यक्षता करेंगे। वाराणसी और सासाराम परियोजना निदेशालय के अधिकारी भी कैंप में मौजूद रहेंगे ताकि तकनीकी बाधाओं को तुरंत दूर किया जा सके। शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए सभी कैंप स्थलों पर सशस्त्र पुलिस बल की तैनाती के निर्देश दिए गए हैं। अंचलाधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे गांव-गांव में लाउडस्पीकर और अन्य माध्यमों से इसका व्यापक प्रचार-प्रसार कराएं। संबंधित जमीन मालिकों (रैयतों) से अपील की गई है कि वे अपने सभी आवश्यक दस्तावेज (लगान रसीद, वंशावली, आधार, बैंक पासबुक आदि) के साथ कैंप में पहुंचें ताकि उनके मुआवजे का भुगतान त्वरित गति से हो सके।  

चुनाव से पहले बांग्लादेश में हलचल, खुफिया एजेंसियों का अलर्ट—नेपाल बॉर्डर से भारत में घुसपैठ की कोशिश

ढाका खुफिया एजेंसियों ने चेतावनी दी है कि बांग्लादेश में होने वाले चुनावों से पहले भारत में अवैध घुसपैठ की कोशिशें तेज हो रही हैं, और इसके लिए अब नेपाल सीमा को नया रास्ता बनाया जा रहा है। वर्ष 2025 में ऐसे कई मामले सामने आए हैं, जिनमें बांग्लादेशी नागरिकों को नेपाल के रास्ते भारत में घुसपैठ करते हुए सुरक्षा बलों ने पकड़ा है। अधिकारियों के मुताबिक यह एक नया ट्रेंड है। भारत-बांग्लादेश सीमा पर कड़ी निगरानी के कारण तस्कर (टाउट्स) अब नेपाल मार्ग का सहारा ले रहे हैं। ये तस्कर बांग्लादेश में मौजूद नेटवर्क और भारत में सक्रिय उनके सहयोगियों के साथ मिलकर काम कर रहे हैं। शेख हसीना के सत्ता से हटने के बाद बांग्लादेश में फैली हिंसा ने भारतीय एजेंसियों को हाई अलर्ट पर ला दिया है। इस दौरान पूर्वोत्तर राज्यों और पश्चिम बंगाल में घुसपैठ की कई कोशिशें नाकाम की गईं। इन्हीं नाकामियों के बाद तस्करों ने नेपाल सीमा को वैकल्पिक रास्ते के रूप में चुना।खुफिया एजेंसियों के अनुसार, बिहार के पूर्वी चंपारण जिले के रक्सौल क्षेत्र से सटी नेपाल सीमा का इस्तेमाल सबसे अधिक किया जा रहा है। फिलहाल संख्या कम है, क्योंकि तस्कर “हालात को परख” रहे हैं, लेकिन अधिकारियों ने चेताया है कि रास्ता सफल होते ही बड़े पैमाने पर घुसपैठ की कोशिशें हो सकती हैं।   इसके अलावा, बहराइच, गोंडा और बलरामपुर जिलों के रास्ते भी अवैध घुसपैठ के प्रयास किए गए हैं। हालात को देखते हुए सशस्त्र सीमा बल (SSB) ने नेपाल सीमा पर 1,700 जवानों की अतिरिक्त तैनाती की है और नेपाल से सटे जंगलों में गहन तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। इसके साथ ही पीलीभीत, बहराइच, श्रावस्ती, बलरामपुर, सिद्धार्थनगर और महाराजगंज में कुल 9,000 जवान तैनात किए गए हैं। एक इंटेलिजेंस ब्यूरो अधिकारी ने कहा कि नेपाल सीमा गंभीर चिंता का विषय बन चुकी है। “हमें जानकारी मिली है कि बड़ी संख्या में बांग्लादेशी नेपाल के सीमावर्ती इलाकों में शरण लिए हुए हैं और सही मौके का इंतजार कर रहे हैं।” अधिकारियों का दावा है कि घुसपैठ का उद्देश्य केवल अवैध बसावट नहीं, बल्कि जनसांख्यिकीय बदलाव और आतंकी मॉड्यूल तैयार करना भी है। खुफिया एजेंसियों ने चेताया है कि आईएसआई बांग्लादेश में आतंकी ढांचे को दोबारा सक्रिय कर रहा है, और नेपाल की खुली सीमा का फायदा उठाकर बिहार, पश्चिम बंगाल और पूर्वोत्तर राज्यों में आतंकियों को भेजने की कोशिश हो रही है। ऑपरेशन सिंदूर के बाद आईएसआई ने अपनी रणनीति बदली है। नियंत्रण रेखा (LoC) और अंतरराष्ट्रीय सीमा (IB) पर सख्त सुरक्षा के कारण अब नेपाल सीमा को कमजोर कड़ी मानकर इस्तेमाल किया जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार, बांग्लादेश में 12 फरवरी को होने वाले चुनाव और उससे पहले संभावित हिंसा हालात को और जटिल बना सकती है। साथ ही पश्चिम बंगाल में इस वर्ष होने वाले चुनावों को देखते हुए भी सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हैं। खुफिया एजेंसियों ने चेतावनी दी है कि आने वाले कुछ महीने भारत की आंतरिक सुरक्षा के लिहाज से बेहद चुनौतीपूर्ण होंगे।

अब पूछताछ काउंटर की झंझट खत्म, IPIS सिस्टम बताएगा ट्रेनों का पूरा स्टेटस

जमालपुर (मुंगेर) भारतीय रेल यात्रियों को सुरक्षित, सुगम और आधुनिक सुविधाओं से लैस करने की दिशा में लगातार काम कर रही है। इस क्रम में मालदा रेल मंडल अंतर्गत आने वाले ए श्रेणी के जमालपुर जंक्शन पर इंटीग्रेटेड पैसेंजर इनफारमेशन सिस्टम (IPIS) की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। इस अत्याधुनिक डिजिटल प्रणाली के लागू होने से रेल यात्रियों को ट्रेनों से संबंधित अपडेट या जानकारी एक ही स्थान पर आडियो-विजुअल माध्यम से मिल सकेगी, जिससे उनकी यात्रा और भी आसान एवं सुविधाजनक हो जाएगी। रेल अधिकारियों के अनुसार आइपीआइएस के माध्यम से यात्रियों को डिजिटल पैटर्न पर ट्रेन की लाइव स्थिति, आगमन-प्रस्थान समय, प्लेटफार्म नंबर सहित अन्य महत्वपूर्ण सूचनाएं प्रदर्शित की जाएंगी। अब यात्रियों को बार-बार पूछताछ काउंटर या अनाउंसमेंट पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। स्टेशन परिसर में लगाए गए डिस्प्ले बोर्ड और स्वचालित उद्घोषणा प्रणाली के जरिए सभी जानकारियां स्पष्ट रूप से उपलब्ध होंगी। क्या है आइपीआइएस तकनीक इंटीग्रेटेड पैसेंजर इनफारमेशन सिस्टम (एकीकृत यात्री सूचना प्रणाली) एक कंप्यूटर आधारित आधुनिक तकनीक है, जो रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों को ट्रेनों से जुड़ी सभी आवश्यक जानकारियां एकीकृत रूप से उपलब्ध कराती है। इस प्रणाली के तहत स्टेशन पर लगे इलेक्ट्रानिक डिस्प्ले बोर्ड और अनाउंसमेंट सिस्टम के जरिए ट्रेनों के आगमन-प्रस्थान समय, प्लेटफार्म नंबर, रनिंग स्टेटस और अन्य सूचनाएं प्रसारित की जाती हैं। आइपीआइएस एक सिंगल कंट्रोल यूनिट से संचालित होता है, जिससे पूरे स्टेशन परिसर में एक साथ सूचनाओं का प्रसारण संभव होता है। इसमें ऑटोमेटिक घोषणाएं, रिकॉर्डेड मैसेज और रियल टाइम अपडेट शामिल होते हैं, जो यात्रियों के लिए बेहद उपयोगी साबित होते हैं।   इस प्रकार मिलेगी यात्रियों को जानकारी आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि आइपीआइएस लागू होने के बाद यात्रियों को स्टेशन पर लगे डिस्प्ले बोर्ड के माध्यम से ट्रेन की लाइव लोकेशन की जानकारी मिलेगी। यात्री यह भी जान सकेंगे कि उनकी ट्रेन कितनी देर में स्टेशन पहुंचेगी। यदि ट्रेन विलंब से चल रही है तो उसके संभावित आगमन समय की सटीक जानकारी भी उपलब्ध होगी। इसके अलावा ट्रेन किस प्लेटफार्म पर आएगी, उसका रनिंग स्टेटस क्या है और किस कोच की स्थिति प्लेटफार्म पर किस स्थान पर होगी, यह जानकारी भी यात्रियों को मिलेगी। इससे बुजुर्गों, महिलाओं और दिव्यांग यात्रियों को विशेष सुविधा होगी। उन्होंने बताया गया कि जमालपुर रेलवे स्टेशन होकर प्रतिदिन लगभग तीन दर्जन ट्रेनों का परिचालन होता है। अभी तक यात्रियों को डायवर्टेड ट्रेनों की जानकारी समय पर नहीं मिल पाती थी, लेकिन आइपीआइएस के लागू होने के बाद डायवर्टेड ट्रेनों से जुड़ी सूचना भी तुरंत उपलब्ध कराई जा सकेगी। इन स्थानों पर होगा सिस्टम लागू रेल अधिकारियों ने बताया कि मालदा रेल मंडल अंतर्गत मालदा, साहिबगंज, भागलपुर, जमालपुर, बांका और गोड्डा स्टेशनों पर चरणबद्ध तरीके से आइपीआइएस प्रणाली लागू की जाएगी। जमालपुर स्टेशन पर इस नई व्यवस्था के लिए स्टेशन परिसर और सर्कुलेटिंग एरिया में उपयुक्त स्थान की तलाश की जा रही है। रेल प्रशासन का मानना है कि इस नई तकनीक के लागू होने से न सिर्फ यात्रियों की असुविधाएं कम होंगी, बल्कि स्टेशन प्रबंधन भी अधिक प्रभावी और व्यवस्थित तरीके से कार्य कर सकेगा।

पुलिस भर्ती में अभ्यर्थियों को राहत: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का अहम फैसला

लखनऊ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर गृह विभाग ने होने वाली पुलिस भर्ती में अभ्यर्थियों को बड़ी राहत दी है। भर्ती में सामान्य के साथ सभी वर्ग के अभ्यर्थियों को आयु सीमा में तीन वर्ष की छूट दी गई है। बीते दिनों कुछ विधायकों और एक मंत्री ने मुख्यमंत्री से सिपाही भर्ती में आयु सीमा में छूट की मांग रखी थी। अभ्यर्थियों के हित में यह फैसला लिया गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 32,679 पदों पर पुलिस भर्ती में अभ्यर्थियों को बड़ी राहत दी है। उन्होंने यूपी पुलिस व जेल विभाग की सीधी भर्ती में आयु सीमा में तीन वर्ष की छूट दी है। इसका लाभ आरक्षी नागरिक पुलिस के साथ पीएसी, विशेष सुरक्षा बल, महिला बटालियन व जेल वार्डर के सामान्य वर्ग के अभ्यर्थियों को मिलेगा। इस भर्ती के लिए आवेदन प्रारंभ हैं। इस छूट का शासनादेश भी जारी कर दिया गया है। अभ्यर्थियों के हितों को प्राथमिकता देते हुए मुख्यमंत्री के निर्देश पर पुलिस में आरक्षी नागरिक पुलिस एवं समकक्ष पदों पर प्रस्तावित सीधी भर्ती-2025 के लिए अधिकतम आयु सीमा में एकमुश्त तीन वर्ष का शिथिलीकरण प्रदान करने का निर्णय लिया गया है। लाखों युवाओं को होगा लाभ सीधी भर्ती-2025 के अंतर्गत कुल 32,679 पदों को भरे जाने के लिए यह महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है। शासनादेश के अनुसार आरक्षी नागरिक पुलिस (पुरुष/महिला), आरक्षी पीएसी/सशस्त्र पुलिस (पुरुष), आरक्षी विशेष सुरक्षा बल (पुरुष), महिला बटालियन हेतु महिला आरक्षी, आरक्षी घुड़सवार पुलिस (पुरुष) तथा जेल वार्डर (पुरुष एवं महिला) पदों पर भर्ती प्रक्रिया में सम्मिलित होने वाले सभी वर्गों के अभ्यर्थियों को यह आयु शिथिलीकरण एक बार के लिए प्रदान किया जाएगा। सरकार का यह निर्णय उत्तर प्रदेश लोक सेवा (भर्ती के लिए आयु सीमा का शिथिलीकरण) नियमावली-1992 के नियम-3 के आलोक में लिया गया है। फैसला 31 दिसंबर 2025 को जारी भर्ती विज्ञप्ति के अनुक्रम में 5 जनवरी 2026 को जारी शासनादेश के माध्यम से लागू किया गया है, जिससे बड़ी संख्या में ऐसे अभ्यर्थियों को अवसर मिलेगा जो आयु सीमा के कारण अब तक भर्ती प्रक्रिया से बाहर हो रहे थे। युवाओं के हित में योगी आदित्यनाथ सरकार योगी आदित्यनाथ रकार का यह कदम साफ संदेश देता है कि प्रदेश की सरकार युवाओं की वास्तविक समस्याओं को समझती है और समाधान के लिए ठोस फैसले लेने से पीछे नहीं हटती। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों को न्यायसंगत अवसर देना, रोजगार के अधिक से अधिक विकल्प उपलब्ध कराना और प्रशासनिक निर्णयों में संवेदनशीलता बनाए रखना योगी सरकार की कार्यशैली का हिस्सा बन चुका है। पुलिस भर्ती में आयु सीमा शिथिलीकरण का यह निर्णय न केवल लाखों युवाओं की उम्मीदों को नया बल देगा, बल्कि यह भी दर्शाता है कि योगी आदित्यनाथ सरकार में युवाओं का भविष्य नीति निर्धारण के केंद्र में है।  

तेल कुएं से गैस लीक होते ही मची अफरा-तफरी, आंध्र प्रदेश के पूरे क्षेत्र में हाई अलर्ट घोषित

नई दिल्ली आंध्र प्रदेश के कोनासीमा जिले में ONGC के एक चालू तेल कुएं से बड़े पैमाने पर गैस लीक हो गई। इससे पूरे इलाके में दहशत फैल गई। घटना तब हुई, तब कुएं में कुछ समय के लिए प्रोडक्शन बंद होने के बाद वर्कओवर रिग का इस्तेमाल करके मरम्मत किया जा रहा था। मरम्मत के दौरान एक जौरदार धमाका हुआ और कच्चे तेल के साथ मिली हुई गैस भारी मात्रा में मिली और हवा में बहुत ऊपर तक चली गई। यह तेल का कुआं कोनासीमा के राजोल इलाके के इरुसुमंडा गांव में है। गैस लीक होते ही लगी आग स्थानी अधिकारियों के मुताबिक, लीक हुई गैस में तुरंत आग लग गई। ये देखकर आस-पास रहने वाले लोग और अधिकारी भी घबरा गए। गैस और धुएं का बादल सुमंडा और आसपास के इलाकों में घने कोहरे की तरह फैल गया। स्थानीय प्रशासन ने तुरंत पास के गांव खाली करवा लिए। कई लोग पहले ही घरों से भाग गए। वे अपने मवेशियों को भी सुरक्षित जगह पर ले गए। लोगों से बिजली का इस्तेमाल न करने, बिजली के उपकरण चालू न करने और चूल्हा न जलाने को कहा गया है। ONGC के कर्मचारी लीक को कंट्रोल करने और आग बुझाने के लिए मौके पर मौजूद हैं। अधिकारियों ने पूरे इलाके को घेर लिया और हालात पर नजर बनाए हुए हैं। लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं।

मुख्यमंत्री साय ने समाजसेविका पद्मश्री राजमोहिनी देवी की पुण्यतिथि पर किया नमन

रायपुर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने सामाजिक चेतना और जनसेवा की सशक्त प्रतीक पद्मश्री राजमोहिनी देवी की 6 जनवरी को पुण्यतिथि के अवसर पर उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन किया। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि आदिवासी समाज से निकलकर सामाजिक कुरीतियों और अंधविश्वास के विरुद्ध आजीवन संघर्ष करने वाली स्वर्गीय राजमोहिनी देवी का जीवन सामाजिक परिवर्तन की प्रेरणादायी गाथा है। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि राजमोहिनी देवी ने विशेष रूप से आदिवासी महिलाओं के अधिकारों, स्वाभिमान और स्वावलंबन के लिए उल्लेखनीय कार्य किए। उन्होंने नशाखोरी, कुप्रथाओं और शोषण के विरुद्ध जनजागरण को अपना ध्येय बनाया और समाज को जागरूक बनाने का महत्वपूर्ण दायित्व निभाया। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि स्वर्गीय राजमोहिनी देवी की निस्वार्थ सेवा, अदम्य साहस और लोकहित के प्रति समर्पण आने वाली पीढ़ियों को सामाजिक न्याय, समानता और मानवीय गरिमा के लिए कार्य करने की निरंतर प्रेरणा देता रहेगा। उनका जीवन और कृतित्व सदैव समाज के लिए पथप्रदर्शक बना रहेगा।

पंजाब में हालात बेकाबू — तरुण चुघ ने मुख्यमंत्री भगवंत मान को घेरा

अमृतसर अमृतसर में एक शादी समारोह के दौरान सरपंच की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या किए जाने की घटना को लेकर पंजाब की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। इस मामले में भारतीय जनता पार्टी ने आम आदमी पार्टी सरकार पर हमला बोला है और मुख्यमंत्री भगवंत मान से इस्तीफे की मांग की है। भाजपा राष्ट्रीय महासचिव तरुण चुघ ने इस घटना को पंजाब में बिगड़ती कानून-व्यवस्था का सबसे बड़ा उदाहरण बताया है। बातचीत करते हुए तरुण चुघ ने कहा कि पंजाब में हालात इस कदर खराब हो चुके हैं कि अपराधियों के मन में कानून का कोई डर नहीं बचा है। पहले अपराधी मुंह ढककर वारदात को अंजाम देते थे, लेकिन अब वे खुलेआम आते हैं। वे शादी के मैरिज पैलेस में घुसते हैं, दिनदहाड़े गोलियां चलाते हैं, खुशियों के माहौल को मातम में बदल देते हैं, और बेखौफ होकर निकल जाते हैं। तरुण चुघ ने कहा कि यह घटना साबित करती है कि पंजाब में कानून-व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। राज्य अब कानून का नहीं, बल्कि अपराधियों का राज बनता जा रहा है। अपराधी खुलेआम घूम रहे हैं और उन्हें किसी का डर नहीं है। तरुण चुघ ने यह भी आरोप लगाया कि जब पत्रकार इस तरह की घटनाओं पर सवाल पूछते हैं, तो उन्हें डराया और धमकाया जाता है। सरकार सच्चाई को दबाने की कोशिश कर रही है, लेकिन जमीन पर हालात बेहद गंभीर हैं। तरुण चुघ ने आम आदमी पार्टी सरकार पर हमला बोलते हुए कहा, "आम आदमी की जान आम आदमी पार्टी की सरकार में सबसे सस्ती हो गई है। जिस पार्टी ने ईमानदार और सुरक्षित शासन का वादा किया था, वही आज लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में पूरी तरह नाकाम साबित हो रही है।" उन्होंने कहा कि दिनदहाड़े हत्या जैसी घटनाएं यह दिखाती हैं कि राज्य में अपराधियों का मनोबल कितना बढ़ चुका है। शादी जैसे पवित्र और खुशी के अवसर पर इस तरह की वारदात होना पूरे समाज के लिए चिंता का विषय है। तरुण चुघ ने इस घटना को लेकर पंजाब सरकार से जवाब मांगा है और कहा है कि मुख्यमंत्री भगवंत मान को नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा देना चाहिए। अगर हालात पर जल्द काबू नहीं पाया गया, तो आम लोगों का सरकार से भरोसा पूरी तरह उठ जाएगा।

भर्ती परीक्षाओं में निष्पक्षता और पारदर्शिता सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता : मुख्यमंत्री साय

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने पारदर्शिता और समयबद्धता के साथ भर्ती परीक्षाओं को पूर्ण करने के लिए की उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक रायपुर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने मंत्रालय महानदी भवन में वरिष्ठ अधिकारियों के साथ उच्च स्तरीय बैठक कर प्रदेश में आयोजित हो रही विभिन्न भर्ती परीक्षाओं की व्यापक समीक्षा की। बैठक का मुख्य उद्देश्य भर्ती प्रक्रियाओं को पूर्णतः पारदर्शी, निष्पक्ष और समयबद्ध ढंग से संपन्न कराना है। इस दौरान उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा भी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि युवा कठिन परिश्रम और समर्पण के साथ प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करते हैं, इसलिए शासन की प्रतिबद्धता है कि उनके साथ किसी भी प्रकार का अन्याय न हो। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी भर्ती परीक्षाएँ पारदर्शी ढंग से आयोजित की जाएँ तथा परीक्षा प्रणाली को वर्तमान चुनौतियों के अनुरूप और अधिक सुदृढ़ किया जाए। उन्होंने कहा कि परीक्षा प्रक्रिया में किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनियमितता स्वीकार्य नहीं होगी और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि परीक्षाओं की शुचिता पर कोई प्रश्नचिह्न न लगे, इसके लिए पारदर्शिता बढ़ाने संबंधी सभी उपायों पर गंभीरतापूर्वक कार्य किया जाएगा। उन्होंने कहा कि भर्ती प्रक्रिया में सुधार सरकार की शीर्ष प्राथमिकताओं में शामिल है। इससे राज्य में भर्ती प्रणाली अधिक सरल, न्यायोचित और समयबद्ध बनेगी। बैठक में पुलिस बल सहित विभिन्न विभागों में चल रही भर्ती प्रक्रियाओं की भी समीक्षा की गई और चयन प्रणाली को अधिक प्रभावी बनाने के निर्देश दिए गए। बैठक में समान अहर्ता वाले पदों के लिए विभिन्न विभागों द्वारा अलग-अलग परीक्षाएँ आयोजित किए जाने की वर्तमान व्यवस्था पर भी चर्चा हुई। समान पात्रता वाले पदों के लिए संयुक्त भर्ती परीक्षा आयोजित करने के प्रस्ताव पर विचार किया गया। इससे न केवल समय और संसाधनों की बचत होगी, बल्कि विभागों को समय पर मानव संसाधन उपलब्ध कराया जा सकेगा। पीएससी की परीक्षा प्रणाली को और अधिक समकालीन, पारदर्शी तथा अभ्यर्थी हितैषी बनाने के संबंध में भी विस्तृत चर्चा की गई। यह भी विचार किया गया कि प्रतियोगी परीक्षाओं के पाठ्यक्रम को वर्तमान आवश्यकताओं एवं समसामयिक विषयों के अनुरूप और अधिक प्रासंगिक बनाया जाए। बैठक में मुख्य सचिव श्री विकास शील, अपर मुख्य सचिव श्रीमती रेणु जी. पिल्लै, अपर मुख्य सचिव श्री मनोज कुमार पिंगुआ, पुलिस महानिदेशक श्री अरुण देव गौतम, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री सुबोध कुमार सिंह, अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक श्री विवेकानंद सिन्हा, सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव श्री अविनाश चंपावत, मुख्यमंत्री के सचिव श्री मुकेश बंसल, मुख्यमंत्री के सचिव श्री राहुल भगत, मुख्यमंत्री के सचिव श्री पी. दयानंद, सचिव श्री हिमशिखर गुप्ता, उद्योग विभाग के सचिव श्री रजत कुमार, अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक श्री एस.आर.पी. कल्लूरी, अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक श्री अमित कुमार सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से राजा मोरध्वज आरंग महोत्सव समिति के प्रतिनिधिमंडल ने की सौजन्य मुलाकात

रायपुर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से आज मंत्रालय महानदी भवन में राजा मोरध्वज आरंग महोत्सव 2026 समिति के प्रतिनिधिमंडल ने सौजन्य मुलाकात की। इस अवसर पर कौशल विकास मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेब उपस्थित थे। प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय को राजा मोरध्वज आरंग महोत्सव में मुख्य अतिथि के रुप में आमंत्रित किया। इस अवसर पर श्री के.के. भारद्वाज, डॉ. संदीप जैन, श्री नरेंद्र लोधी, श्री गोविंद वर्मा, श्री पुष्कर साहू, श्री संतोष लोधी, श्री अशोक चंद्राकर, श्री देवनाथ साहु, श्री राकेश सोनकर, श्री हीरामन कोसले, श्री विक्रम परमार, श्री चंद्रशेखर साहू, श्री गणेश राम साहू, दूजे राम धीवर उपस्थित थे।