samacharsecretary.com

मध्यप्रदेश पुलिस अकादमी भोपाल में प्रशिक्षु उप पुलिस अधीक्षकों के बीच मैत्री वॉलीबाल मैच आयोजित

भोपाल मध्यप्रदेश पुलिस अकादमी, भौंरी भोपाल में प्रशिक्षणरत 44वें एवं 45वें बैच के  प्रशिक्षु उप पुलिस अधीक्षको के मध्य टीम भावना के निर्माण तथा नेतृत्व क्षमता के गुणों के विकास के उद्देश्य से अकादमी स्थित वॉलीबाल ग्राउंड में मैत्री वॉलीबाल मैच का आयोजन किया गया। कार्यक्रम अकादमी के उप निदेशक  संजय कुमार अग्रवाल के मुख्य आतिथ्य में सम्पन्न हुआ। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक, पीटीएस भौंरी मती यास्मिन जहरा, सहायक निदेशक (बाह्य प्रशिक्षण) मती ज्योति उमठ बघेल, उप पुलिस अधीक्षक  तिलकराज प्रधान आरक्षक  नारायण चौधरी,  अमरीश पटेल सहित अकादमी का समस्त स्टाफ, प्रशिक्षु उप पुलिस अधीक्षक एवं पुलिस फैमिली लाइन के परिवारजन भी उपस्थित रहे। प्रतियोगिता में 44वें बैच की पुरुष एवं महिला टीम ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए विजेता का खिताब प्राप्त किया। यह आयोजन प्रशिक्षुओं के मध्य आपसी समन्वय, अनुशासन, खेल भावना एवं नेतृत्व कौशल के विकास की दिशा में महत्वपूर्ण सिद्ध हुआ।

संवेदनशीलता, तत्परता और मानवीय सेवा का फिर उदाहरण बने डायल-112 जवान

भोपाल  डायल-112 सेवा प्रदेश में आपात स्थितियों में त्वरित सहायता उपलब्ध कराने के साथ-साथ मानवीय संवेदनशीलता का सशक्त माध्यम बन चुकी है। रतलाम जिले के जावरा औद्योगिक क्षेत्र में सड़क दुर्घटना में घायल युवक एवं बालक को समय पर अस्पताल पहुँचाकर डायल-112 जवानों ने पुनः अपनी तत्परता और सेवा-भाव का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत किया है। दिनांक 20 फरवरी को  राज्य स्तरीय पुलिस कंट्रोल रूम, डायल-112 भोपाल को सूचना प्राप्त हुई कि थाना औद्योगिक क्षेत्र जावरा अंतर्गत हसन पालिया रोड पर एक मोटरसाइकिल सवार युवक व बालक अज्ञात वाहन की टक्कर से गिरकर घायल हो गए हैं तथा तत्काल पुलिस सहायता की आवश्यकता है। सूचना मिलते ही थाना जावरा शहर क्षेत्र में तैनात डायल-112 एफआरव्ही वाहन को तुरंत घटनास्थल के लिए रवाना किया गया। कुछ ही समय में डायल-112 स्टाफ आरक्षक श्री चंद्रपाल सिंह एवं पायलट श्री मंगलेश्वर सूर्यवंशी मौके पर पहुँचे। डायल-112 जवानों ने मौके पर पहुँचकर पाया कि अज्ञात वाहन की टक्कर से मोटरसाइकिल सवार युवक तथा बालक  घायल हो गए थे। जवानों ने बिना समय गंवाए त्वरित कार्यवाही करते हुए दोनों घायलों को सुरक्षित एफआरव्ही वाहन से शासकीय चिकित्सालय जावरा पहुँचाया। डायल-112 टीम की तत्परता, संवेदनशीलता और त्वरित निर्णय क्षमता के कारण घायलों को शीघ्र चिकित्सा सहायता मिल सकी। डायल-112 जवानों द्वारा निभाई जा रही मानवीय जिम्मेदारी न केवल सराहनीय है, बल्कि यह आमजन में पुलिस के प्रति विश्वास और सुरक्षा की भावना को भी सुदृढ़ करती है। संकट की घड़ी में तत्पर सहायता पहुँचाना ही डायल-112 सेवा की वास्तविक पहचान है।

दर्दनाक हादसा: गुजरात में मिनीवैन का संतुलन बिगड़ा, डिवाइडर से भिड़कर 5 यात्रियों की गई जान

अहमदाबाद गुजरात के उंझा-मेहसाणा राजमार्ग पर एक मिनीवैन के डिवाइडर से टकराने के बाद एक ही परिवार के पांच सदस्यों की मौत हो गई और छह अन्य घायल हो गए। पुलिस ने यह जानकारी दी। पुलिस ने बताया कि यह घटना तड़के उनावा गांव के निकट तब हुई, जब परिवार राजस्थान के पाली जिले में अपने पैतृक स्थान पर एक शादी समारोह में शामिल होने के बाद अहमदाबाद लौट रहा था। उनावा पुलिस निरीक्षक पी.डी. दार्जी ने कहा, ''उंझा और मेहसाणा के बीच राजमार्ग पर मिनीवैन के चालक ने वाहन पर नियंत्रण खो दिया, जिसके कारण यह दुर्घटना हुई।'' उन्होंने बताया कि चार लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जिनकी पहचान रामलाल कुमावत, कोमल कुमावत, कैलाशभाई कुमावत और आयुष कुमावत (04) के रूप में हुई है। उन्होंने बताया कि मेहसाणा सिविल अस्पताल में भर्ती कराए गए सात घायल यात्रियों में से मथुरादेवी कुमावत नामक एक बुजुर्ग महिला की मौत हो गई। पुलिस ने कहा कि घायलों का सिविल अस्पताल में इलाज  

परीक्षा पूर्व तैयारी के लिए नई पहल, छात्रों को फोन पर मिलेगा समाधान

रायपुर. छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मण्डल, रायपुर द्वारा हाईस्कूल एवं हायर सेकेण्डरी परीक्षा 2026 के विद्यार्थियों की शंकाओं के समाधान हेतु “हेल्पलाइन 2026” का संचालन परीक्षा के एक दिवस पूर्व प्रभावी रूप से किया जा रहा है। यह हेल्पलाइन 05 फरवरी 2026 से मण्डल की अध्यक्ष श्रीमती रेणु जी. पिल्ले एवं सचिव श्रीमती पुष्पा साहू के निर्देशन में निरंतर संचालित है, जिससे विद्यार्थियों को शैक्षणिक मार्गदर्शन के साथ-साथ मानसिक संबल भी प्राप्त हो रहा है। विषय-विशेषज्ञों की सहभागिता से मिला सटीक एवं विषयवार मार्गदर्शन आज 21 फरवरी 2026 को राजनीति शास्त्र, रसायन शास्त्र, लेखा शास्त्र, फसल उत्पादन एवं उद्यान शास्त्र, वस्तु चित्रण एवं आलेखन तथा शरीर क्रिया विज्ञान एवं प्राथमिक चिकित्सा (फिजियोलॉजी एण्ड फर्स्ट एड) विषयों के विशेषज्ञों द्वारा विद्यार्थियों की शंकाओं का समाधान किया गया। इस अवसर पर श्रीमती सुनिता पाण्डेय, आस्था निगम, श्रीमती सोमा बनिक, श्रीमती अर्पणा तिवारी, श्रीमती नम्रता तिवारी, श्रीमती रंजना ठाकुर, राजकुमार गेन्ड्रे, श्रीमती निशा सिंह, श्रीमती दीपा साखरकर एवं सहायक प्राध्यापक अखिलेश वामनगड़े ने अपनी महत्वपूर्ण सेवाएँ प्रदान कीं। प्रश्नपत्र पैटर्न, सिलेबस एवं उत्तर लेखन शैली को लेकर विद्यार्थियों की जिज्ञासाएँ हेल्पलाइन के माध्यम से विद्यार्थियों ने रसायन शास्त्र के वैद्युत रसायन, आयोडोफॉर्म अभिक्रिया, नेमिंग अभिक्रिया तथा जैव अणुओं से संभावित प्रश्नों के स्वरूप के संबंध में जानकारी प्राप्त की। विद्यार्थियों ने यह भी पूछा कि क्या प्रश्न सिलेबस से बाहर आएंगे तथा मूल्यांकन करने वाले परीक्षकों को सिलेबस की पूर्ण जानकारी होगी या नहीं। इसके अतिरिक्त प्रश्नपत्र के ब्लूप्रिंट, परीक्षा पैटर्न, कम्प्यूटर विषय की तैयारी, कम्पनी लेखा पाठ से संभावित प्रश्न तथा उत्तर कैसे लिखें कि पूर्ण अंक प्राप्त हो सकेंकृइन विषयों पर भी विस्तृत मार्गदर्शन दिया गया। कुछ विद्यार्थियों ने महत्वपूर्ण प्रश्नों के संबंध में जानकारी चाही, वहीं एक छात्र ने कम समय में प्रभावी तैयारी कैसे की जाए, इस विषय में सलाह प्राप्त की। सभी जिज्ञासाओं का समाधान विषय विशेषज्ञों द्वारा सरल, स्पष्ट एवं प्रेरणादायक ढंग से किया गया। 660 कॉल्स के माध्यम से विद्यार्थियों तक पहुँचा मार्गदर्शन दिनांक 21 फरवरी 2026 तक हेल्पलाइन के टोल फ्री नंबर 1800-233-4363 पर कुल 660 कॉल प्राप्त हुए। प्रत्येक कॉल का सुव्यवस्थित रूप से निराकरण कर विद्यार्थियों को आवश्यक शैक्षणिक एवं परामर्शात्मक सहयोग प्रदान किया गया। उपसचिव के मार्गदर्शन एवं समन्वयक के नेतृत्व में सफल संचालन हेल्पलाइन का संचालन उपसचिव डॉ. बी. रघु के मार्गदर्शन में तथा हेल्पलाइन समन्वयक डॉ. प्रदीप कुमार साहू के समन्वय से किया जा रहा है। मण्डल की यह पहल परीक्षा पूर्व विद्यार्थियों को आत्मविश्वास, स्पष्टता एवं सकारात्मक दिशा प्रदान करने की दिशा में एक सराहनीय प्रयास है।

आर्थिक संकट गहराया! SECP रिपोर्ट के मुताबिक 20 जनवरी 2026 तक 125 विदेशी कंपनियों ने छोड़ा पाकिस्तान

इस्लामाबाद पाकिस्तान के शीर्ष कॉर्पोरेट नियामक Securities and Exchange Commission of Pakistan (SECP) ने खुलासा किया है कि 20 जनवरी 2026 तक 125 विदेशी कंपनियों ने देश में अपने ब्रांच और लायज़न कार्यालय औपचारिक रूप से बंद कर दिए हैं। ये कंपनियां कराची, लाहौर, इस्लामाबाद और पेशावर जैसे प्रमुख शहरों में सक्रिय थीं।   इन देशों की कंपनियां शामिल? SECP द्वारा जारी सूची के अनुसार जिन देशों की कंपनियां पाकिस्तान से बाहर हुई हैं उनमें अमेरिका, ब्रिटेन, संयुक्त अरब अमीरात, चीन, मलेशिया, सिंगापुर, जापान, तुर्किये, ऑस्ट्रेलिया, स्वीडन, बहरीन, कनाडा, फ्रांस और नीदरलैंड्स आदि शामिल हैं। यह दिखाता है कि पाकिस्तान में विदेशी व्यापारिक उपस्थिति काफी व्यापक थी। रिपोर्ट के अनुसार कई अंतरराष्ट्रीय कंपनियों ने पाकिस्तान में अपना संचालन समाप्त किया है, जिनमें शामिल हैं: इसके अलावा तेल-गैस, इंजीनियरिंग, निर्माण, बैंकिंग, बीमा, कंसल्टिंग और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर की कंपनियां भी इस सूची में शामिल हैं।इनमें Halliburton Limited, Doosan Heavy Industries and Construction Co., Limited, Mashreq Bank और T.C. Ziraat Bankasi A.S. जैसे नाम प्रमुख हैं। कुछ अंतरराष्ट्रीय गैर-लाभकारी संगठन भी बाहर हुए हैं, जैसे American Soybean Association और Peace Winds Japan।   SECP ने क्या कहा? SECP ने स्पष्ट किया कि इन कंपनियों ने कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए आधिकारिक तौर पर अपने ब्रांच या लायज़न कार्यालय बंद किए हैं। हालांकि नियामक ने यह नहीं बताया कि कंपनियों के बाहर जाने के पीछे विशेष कारण क्या रहा। विशेषज्ञ मानते हैं कि 125 विदेशी कंपनियों का बाहर जाना पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था में विदेशी कॉर्पोरेट उपस्थिति में बड़े बदलाव का संकेत है। यह घटनाक्रम निवेश माहौल, आर्थिक स्थिरता और भविष्य की विदेशी पूंजी प्रवाह पर असर डाल सकता है। आने वाले समय में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि सरकार निवेश आकर्षित करने के लिए क्या कदम उठाती है।

बड़ी कार्रवाई! कोरिया सरकार ने फॉरेस्ट सर्विस चीफ को किया बर्खास्त

दक्षिण कोरिया दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति Lee Jae-myung ने कोरिया फॉरेस्ट सर्विस के मंत्री किम इन-हो को पद से हटा दिया है। राष्ट्रपति कार्यालय ने कहा कि किम ने “मौजूदा कानूनों का गंभीर उल्लंघन” किया, जिसके चलते उन्हें तत्काल प्रभाव से बर्खास्त करने का निर्णय लिया गया। हालांकि शुरुआत में यह स्पष्ट नहीं किया गया कि उन्होंने कौन-सा कानून तोड़ा। बाद में पुलिस ने पुष्टि की कि किम इन-हो को नशे में गाड़ी चलाने के आरोप में बुक किया गया है। Bundang Police Station के अनुसार, सोमवार रात लगभग 10:50 बजे सोंगनाम के बुंदांग जिले में एक चौराहे पर किम ने शराब के नशे में बस और एक कार को टक्कर मार दी। बताया गया है कि उन्होंने ट्रैफिक सिग्नल की अनदेखी की थी। हालांकि इस घटना में कोई घायल नहीं हुआ, लेकिन उनका ब्लड अल्कोहल स्तर इतना था कि लाइसेंस निलंबन की श्रेणी में आता है। राष्ट्रपति कार्यालय ने चेतावनी दी है कि भविष्य में किसी भी वरिष्ठ अधिकारी द्वारा कानून उल्लंघन किए जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।  यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब सरकार सार्वजनिक पदों पर जवाबदेही को लेकर सख्त रुख अपना रही है। किम इन-हो पहले पर्यावरण के प्रोफेसर रह चुके हैं। उन्हें अगस्त में कोरिया फॉरेस्ट सर्विस के प्रमुख पद पर नियुक्त किया गया था। इससे पहले वे सत्तारूढ़ डेमोक्रेटिक पार्टी की नीति समिति के उपाध्यक्ष भी रह चुके थे। पुलिस ने कहा है कि आरोपी को पूछताछ के लिए समन भेजकर घटना की पूरी जांच की जाएगी।  

उपभोक्ता न्याय व्यवस्था को सशक्त बनाने की दिशा में छत्तीसगढ़ सरकार की महत्वपूर्ण पहल

रायपुर. उपभोक्ता न्याय व्यवस्था को सशक्त बनाने की दिशा में छत्तीसगढ़ सरकार की महत्वपूर्ण पहल खाद्य, नागरिक  आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री  दयालदास बघेल ने उपभोक्ता संरक्षण विषय पर आयोजित दो दिवसीय कार्यशाला का शुभारंभ किया। कार्यशाला में राष्ट्रीय उपभोक्ता आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति  ए.पी. साही, छत्तीसगढ़ राज्य उपभोक्ता प्रतितोषण आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति  गौतम  चौरड़िया, खाद्य विभाग की सचिव मती रीना बाबा साहेब कंगाले, मध्यप्रदेश, गोवा, बिहार, झारखंड उत्तरप्रदेश सहित आठ राज्यों के प्रतिनिधि एवं अन्य सदस्यगण उपस्थित थे। राष्ट्रीय उपभोक्ता आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति  ए.पी. साही ने कार्यशाला में छत्तीसगढ़ सरकार की पहल की सराहना करते हुए कहा कि राज्य सरकार उपभोक्ता अधिकारों की सुरक्षा और त्वरित न्याय सुनिश्चित करने के उद्देश्य से तकनीकी एवं विधिक सुधारों की दिशा में ठोस कदम उठा रही है। इसी क्रम में जागरूकता एवं तकनीकी पहलुओं की प्रशिक्षण के लिए कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है। कार्यशाला में तकनीकी, डिजिटल व्यवस्था, प्रक्रियात्मक सुधार और विधायी संशोधनों पर विस्तृत चर्चा की गई। इस दौरान दौरान ई-प्रणालियों का विस्तार और कृत्रिम बुद्धिमत्ता का उपयोग की जानकारी दी गई। वहीं ई-जागृति, ई-फाइलिंग और ई-हियरिंग’’ जैसी डिजिटल सुविधाओं के प्रभावी उपयोग पर जोर दिया गया। इन व्यवस्थाओं के माध्यम से उपभोक्ताओं को घर बैठे शिकायत दर्ज करने और सुनवाई में भाग लेने की सुविधा मिल रही है। उपभोक्ता न्याय को किफायती, पारदर्शी और त्वरित बनाने हेतु कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) के उपयोग की संभावनाओं पर भी चर्चा की गई। अधिकारियों ने पत्रकारों से चर्चा के दौरान शिकायत स्वीकृति की प्रक्रिया, उपभोक्ता आयोग के आर्थिक एवं क्षेत्रीय क्षेत्राधिकार, शिकायत और जवाब दावा प्रस्तुत करने की समय-सीमा जैसे महत्वपूर्ण विषयों को स्पष्ट किया। इस दौरान यह भी बताया गया कि यदि प्रतिवादी पक्ष 30 दिनों की निर्धारित अवधि या अधिकतम 15 दिनों की अतिरिक्त अवधि (कुल 45 दिन) में लिखित बयान प्रस्तुत नहीं करता है, तो उसके साक्ष्यों पर विचार सीमित हो सकता है। साथ ही प्रतिवादी को शिकायतकर्ता के गवाहों से जिरह का अवसर और उसकी सीमा पर भी चर्चा हुई। अधिकारियों एवं न्यायमूर्तियों ने ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर बढ़ती चुनौतियों, डार्क पैटर्न जैसी भ्रामक डिजाइन तकनीकों और झूठे व भ्रामक विज्ञापनों के मुद्दों पर चर्चा की। क्षेत्राधिकार संबंधी विवादों और तकनीकी जटिलताओं के त्वरित समाधान हेतु वर्तमान संरचना में सुधार की आवश्यकता पर बल दिया गया। निष्पादन आवेदन के त्वरित और प्रभावी निपटारे के लिए व्यावहारिक कठिनाइयों और प्रणालीगत विलंब संबंधी जानकारी दी गई। सभी उपभोक्ता आयोगों में प्रक्रियात्मक एकरूपता लाने, मानकीकृत नियम एवं दिशानिर्देश अपनाने तथा केस मैनेजमेंट को सुव्यवस्थित करने पर भी जोर दिया गया। उपभोक्ता संरक्षण आयोग के अधिकारियों ने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार की यह पहल उपभोक्ताओं को त्वरित, पारदर्शी और सुलभ न्याय उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

राज्य हज कमेटी एवं वक्फ बोर्ड के चेयरमेन ने दी मुख्यमंत्री को बधाई

रायपुर राज्य हज कमेटी एवं वक्फ बोर्ड के चेयरमेन ने दी मुख्यमंत्री को बधाई मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय के आज उनके जन्मदिवस के अवसर पर छत्तीसगढ़ राज्य हज कमेंटी के चेयरमेन मिर्जा एजाज बेग एवं राज्य वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. सलीम राज के नेतृत्व में आए एक प्रतिनिधिमण्डल ने जन्मदिवस की बधाई एवं शुभकामनाएं दी मुख्यमंत्री के आज शाम जशपुर जिले से लौटने पर रायपुर के पुलिस लाईन हेलीपेड पहुंचने पर राज्य वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. सलीम राज के आग्रह पर मुख्यमंत्री नेे केक काटा। इस अवसर पर विधायक  पुरंदर मिश्रा,  सुनील सोनी, अपेक्स बैंक छत्तीसगढ़ के अध्यक्ष  केदार नाथ गुप्ता जिला पंचायत के पूर्व अध्यक्ष  अशोक बजाज,  प्रीतेश गांधी सहित अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।

यूपी के किसानों को राहत: Yogi Adityanath सरकार ने बांटे 285 करोड़ रुपये, 2.51 लाख लाभार्थी

लखनऊ उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को 2.51 लाख से अधिक किसानों को फसल मुआवजे के रूप में 285 करोड़ रुपये प्रदान किए और कहा कि सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए काम कर रही है कि किसानों को प्राकृतिक आपदाओं से उत्पन्न अनिश्चितताओं से बचाया जाए।  कृषक दुर्घटना योजना के तहत सहायता प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना और मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना कल्याण योजना के तहत सहायता वितरण कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि जो किसान अपनी फसलों का बीमा कराते हैं, वे आपदाओं से होने वाले नुकसान की स्थिति में वित्तीय सहायता के हकदार हैं। 'राज्य के 2.51 लाख किसानों को लाभ योगी ने कहा, ''राज्य के 2.51 लाख किसान परिवारों को फसल क्षति मुआवजे के रूप में 285 करोड़ रुपये की राशि प्रदान की गई है। फसल बीमा यह सुनिश्चित करता है कि किसानों को विपत्ति के समय में आर्थिक सहायता मिले। यह राशि हमारे 'अन्नदाता' के लिए एक सहारा है।'' प्राकृतिक आपदाओं और दुर्घटनाओं से बचाया मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान लाभार्थियों को चेक वितरित किए और कल्याणकारी योजनाओं और समय पर वित्तीय सहायता के माध्यम से किसानों के हितों की रक्षा के लिए राज्य सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने कहा कि सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए काम कर रही है कि किसानों को प्राकृतिक आपदाओं और दुर्घटनाओं से उत्पन्न अनिश्चितताओं से बचाया जाए और कल्याणकारी पहल पारदर्शी तरीके से लक्षित लाभार्थियों तक पहुंचे।

मध्यप्रदेश में बढ़ा वोट बैंक: अंतिम मतदाता सूची में 8 लाख से ज्यादा नाम शामिल

भोपाल प्रारूप मतदाता सूची के प्रकाशन से पूर्व राज्य में कुल 5,74,06,143 मतदाता पंजीकृत थे। प्रारूप सूची के प्रकाशन के पश्चात यह 5,31,31,983 संख्या रही तथा अंतिम मतदाता सूची में 5,39,81,065 मतदाताओं के नाम सम्मिलित हैं।इस प्रकार प्रारूप सूची के बाद 8,49,082 मतदाताओं की शुद्ध वृद्धि दर्ज की गई है। प्रत्येक जिले में अंतिम मतदाता सूची की प्रतियां नियमानुसार मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों को उपलब्ध कराई गई हैं। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी संजीव कुमार झा ने बताया कि एसआईआर की घोषणा के बाद राज्यभर में 5.74 करोड़ मतदाताओं को गणना प्रपत्र वितरित कर उनके डिजिटलीकरण का कार्य मिशन मोड में किया गया। SIR से एमपी के शहरी क्षेत्रों में बढ़ी चुनौती, राजनीतिक समीकरण प्रभावित होने के आसार अभियान के दौरान ही मृत, अनुपस्थिति, स्थायी रूप से स्थानांतरित एवं दोहरी प्रविष्टियों के सत्यापन के लिए बूथ लेवल अधिकारियों एवं राजनीतिक दलों के बूथ लेवल एजेंटों के साथ बैठकों का आयोजन किया गया। संबंधित विधानसभा क्षेत्रवार अनुपस्थित, स्थानांतरित, मृत्त एवं दोहरी प्रविष्टियों की सूची संबंधित जिला निर्वाचन अधिकारी एवं मुख्य निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट पर प्रकाशित की गई। लगभग चार माह चली प्रक्रिया के बाद एक जनवरी 2026 की अर्हता तिथि के आधार पर अंतिम मतदाता सूची सभी मतदान केंद्रों एवं निर्धारित स्थलों पर प्रकाशित की गई है। 27 अक्टूबर, 2025 से राज्यभर में आरंभ हुए इस विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के अंतर्गत लगभग चार माह तक विभिन्न चरणों में व्यापक एवं प्रभावी कार्यवाही के पश्चात शनिवार को अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की गई है। मतदाता सूची में नाम शामिल करने, विलोपन एवं संशोधन आदि के संबंध में दावे एवं आपत्तियां दिनांक 23/12/2025 से 22/01/2026 तक प्राप्त की गई। तत्पश्चात 14 फरवरी 2026 तक निर्वाचन अधिकारियों द्वारा प्राप्त दावे आपत्तियों का सत्यापन कर उनका निराकरण किया गया। विशेष गहन पुनरीक्षण की प्रक्रिया पूर्ण करने के लिए 55 जिला निर्वाचन अधिकारियों, 230 निर्वाचक पंजीकरण अधिकारियों, 533 सहायक निर्वाचक पंजीकरण अधिकारियों, 71,930 बीएलओ, अनेक वालंटियर्स की सक्रिय भागीदारी रही। राज्य के मतदाताओं का उत्साहपूर्ण सहयोग प्राप्त हुआ।मीडिया, राजनीतिक दलों एवं अन्य संगठनों का भी सहयोग मिला। इसके परिणामस्वरूप कुल 5,74,06,143 मतदाताओं में से 5,31,31,983 मतदाताओं से गणना प्रपत्र प्राप्त हुए, जिनका पूर्ण डिजिटलीकरण किया गया। बीएलओ द्वारा निरंतर घर-घर सर्वेक्षण किया गया, जिसमें दिवंगत, स्थायी रूप से स्थानांतरित तथा दो स्थानों पर पंजीकृत मतदाताओं की पहचान की गई।