samacharsecretary.com

गजकेसरी और बुधादित्य योग 2026: 5 राशियों के लिए खुलेंगे सफलता और धन लाभ के द्वार

 द्रिक पंचांग के अनुसार, आज बनने वाले गजकेसरी योग और बुधादित्य योग का यह दुर्लभ संयोग बेहद शुभ और फलदायी माना जा रहा है. जब कुंडली में देवगुरु बृहस्पति और चंद्रमा की युति बनती है तो गजकेसरी योग बनता है. गजकेसरी योग मान-सम्मान और समृद्धि लाता है. वहीं, सूर्य और बुध की युति से बनने वाला बुधादित्य योग बुद्धि, करियर और व्यापार में अपार सफलता दिलाता है. इन दोनों महायोगों के प्रभाव से 5 भाग्यशाली राशियों के लंबे समय से अटके हुए काम पूरे होने वाले हैं, साथ ही धन लाभ और करियर में तरक्की के प्रबल संकेत हैं. आइए जानते हैं वो 5 राशियां कौन सी हैं. 1. मेष राशि (Aries) मेष राशि के जातकों के लिए यह समय किसी वरदान से कम नहीं है. करियर और व्यापार: ऑफिस में आपके काम की तारीफ होगी. सीनियर्स का पूरा सपोर्ट मिलेगा. व्यापार में कोई बड़ी डील फाइनल हो सकती है, जिससे लंबे समय से रुका हुआ मुनाफा वापस मिलेगा. अटके काम: यदि आपका कोई सरकारी काम या कोर्ट-कचहरी का मामला अटका हुआ था, तो उसमें गति आएगी और फैसला आपके पक्ष में हो सकता है. 2. मिथुन राशि (Gemini) बुध की इस स्थिति से मिथुन राशि के जातकों को सीधा फायदा होने जा रहा है. धन लाभ: आर्थिक स्थिति में जबरदस्त सुधार देखने को मिलेगा. आकस्मिक धन लाभ के योग बन रहे हैं. अगर आपने कहीं निवेश किया था, तो उससे बड़ा रिटर्न मिल सकता है. सफलता: नौकरीपेशा लोगों को प्रमोशन या नई नौकरी के बेहतरीन अवसर मिल सकते हैं. आपकी निर्णय लेने की क्षमता मजबूत होगी. 3. सिंह राशि (Leo) सूर्य के प्रभाव से सिंह राशि के जातकों का आत्मविश्वास और सामाजिक मान-सम्मान चरम पर होगा. करियर में ग्रोथ: जो लोग काफी समय से नौकरी बदलने का प्रयास कर रहे थे, उनकी तलाश अब खत्म हो सकती है. कार्यक्षेत्र में आपकी लीडरशिप क्वालिटी की सराहना होगी. अटके काम: प्रॉपर्टी या वाहन खरीदने की योजना जो पिछले कई महीनों से टल रही थी, वह अब धरातल पर आ सकती है. 4. तुला राशि (Libra) गजकेसरी योग तुला राशि के जातकों के जीवन में स्थिरता और खुशहाली लेकर आ रहा है. आर्थिक पक्ष: आपकी इनकम के नए सोर्स बनेंगे, जिससे पुराना कर्ज या उधार चुकाने में आप सफल रहेंगे. बैंक बैलेंस में बढ़ोतरी होगी. पारिवारिक जीवन: परिवार में चल रहा कोई पुराना मनमुटाव समाप्त होगा. पैतृक संपत्ति से जुड़े मामलों में सफलता मिलेगी. 5. धनु राशि (Sagittarius) धनु राशि के स्वामी गुरु (बृहस्पति) हैं, इसलिए गजकेसरी योग का सबसे शानदार प्रभाव आपकी राशि पर देखने को मिलेगा. भाग्य का साथ: किस्मत का पूरा साथ मिलने से आपके बिगड़े हुए काम अचानक बनने लगेंगे. विदेश यात्रा या उच्च शिक्षा से जुड़े प्रयास सफल होंगे. करियर: बिजनेस करने वाले जातकों को कोई नया प्रोजेक्ट या बड़ा ऑर्डर मिल सकता है, जिससे मार्केट में आपकी साख बढ़ेगी.

जैविक खेती के लिये अध्ययन दल भेजे दंतेवाड़ा: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

जनजातीय क्षेत्रों में जैविक खेती को दें प्रोत्साहन : मुख्यमंत्री डॉ. यादव जैविक खेती के लिये अध्ययन दल भेजे दंतेवाड़ा: मुख्यमंत्री डॉ. यादव जनजातीय छात्रावासों में शैक्षणिक एवं आवासीय प्रबंधन करें बेहतर: मुख्यमंत्री डॉ. यादव विशेष पिछड़ी जातियों के समग्र विकास के लिये करें सतत कार्य मुख्यमंत्री ने मंत्रालय में की जनजातीय कार्य विभाग की समीक्षा भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रदेश के जनजातीय क्षेत्रों में जैविक खेती को प्रोत्साहन दिया जाये। छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले में भी जनजातीय कृषकों द्वारा जैविक खेती की जा रही है। इसका अध्ययन करने के लिए मध्यप्रदेश से दल भेजा जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गुरूवार को जनजातीय कार्य विभाग की समीक्षा बैठक में यह बात कही। बैठक में जनजातीय कार्य मंत्री डॉ. विजय शाह, मुख्य सचिव अनुराग जैन, मुख्यमंत्री के अतिरिक्त मुख्य सचिव नीरज मंडलोई, अतिरिक्त मुख्य सचिव वित्त मनीष रस्तोगी, जनजातीय कार्य विभाग के प्रमुख सचिव गुलशन बामरा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जनजातीय कार्य विभाग द्वारा संचालित विद्यालयों, आश्रम और छात्रावासों में शिक्षा और रहन सहन की गुणवत्ता बेहतर करें। जनजातीय क्षेत्रों में परंपरागत सामाजिक मूल्यों के संरक्षण और समग्र विकास के लिए समाज सेवी संगठनों का भी सहयोग लें। जनजातीय क्षेत्र में शासन के विभिन्न विभाग मिलकर कार्य करें। कन्वर्जेंस से जन सुविधाओं का विकास सुनिश्चित किया जाये। जनजातीय समाज में पशुपालन को बढ़ावा दें और दुग्ध उत्पादन बढ़ाने में इनका सहयोग ले। बैठक में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रदेश की विशेष पिछड़ी जनजातियों बैगा, भारिया और सहारिया के समग्र विकास के लिए सतत् कार्य करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विभाग द्वारा शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार के लिये आवश्यक कार्य करने के निर्देश दिए। बैठक में बताया गया है कि हाई स्कूल एवं हायर सेकंडरी परीक्षा परिणाम 2026 में सर्वश्रेष्ठ 10 ज़िलों में से 7 जनजातीय जिले शामिल हैं। दिसम्बर 2023 से अब तक जनजातीय वर्ग के कक्षा 9 एवं 10 के कुल 3 लाख 65 हज़ार विद्यार्थियों को 137 करोड़ 52 लाख रुपये की छात्रवृत्ति का भुगतान किया गया है। इसी अवधि में पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति योजना के तहत 4 लाख 28 हज़ार विद्यार्थियों को 673 करोड़ 64 लाख रुपये की राशि भुगतान की गई है। विभाग द्वारा 2671 छात्रावास और आश्रम शालाओं का संचालन किया जा रहा है। मंत्री डॉ. शाह ने बताया कि विशेष पिछड़ी जनजातियों की महिला मुखिया के बैंक खाते में प्रतिमाह 15 सौ रुपये की राशि शासन की आहार अनुदान योजना में प्रदान की जा रही है। दिसम्बर 2023 से अभी तक में 2 लाख 37 हजार 550 महिलाओं को कुल 432 करोड़ रुपये प्रदान किए गए हैं।  

जानलेवा आवारा कुत्तों के खिलाफ पंजाब में बड़ा एक्शन, सुप्रीम कोर्ट आदेश पर अमल शुरू

चंडीगढ़  पंजाब में आज जानलेवा लावारिस कुत्तों के खात्मे के लिए विशेष अभियान शुरू किया गया है। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने सोशल मीडिया पर पोस्ट डालकर इस संबंध में जानकारी दी थी कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद सरकार एक बड़ा अभियान शुरू करेगी। इसका उद्देश्य उन जानलेवा लावारिस कुत्तों को खत्म करना है, जो बच्चों और राहगीरों के जीवन के लिए खतरा पैदा करते हैं। सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में अपने आदेश में कहा था कि रेबीज से संक्रमित, लाइलाज बीमारी से ग्रस्त या अत्यधिक आक्रामक व खतरनाक कुत्तों को कानून के तहत मृत्यु दी जा सकती है। कोर्ट ने कहा था कि संविधान के तहत गरिमापूर्ण जीवन जीने का अधिकार में कुत्ते के हमलों के डर या खतरे के बिना स्वतंत्र रूप से घूमने का हक भी शामिल है। प्रदेश में पिछले कुछ समय से लावारिस कुत्तों के काटने के मामले में वृद्धि होती जा रही है। सरकार ने जनवरी में लुधियाना में राज्य की पहली डॉग सैंक्चुअरी का उद्घाटन भी किया था जिसका उद्देश्य डॉग बाइट की बढ़ती घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण करना है। इसकी क्षमता लगभग 500 कुत्तों की है और इसे पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर शुरू किया गया है और प्रदेश के अन्य शहरों में भी इसी तर्ज पर डॉग सैंक्चुअरी स्थापित करने का फैसला लिया गया है। प्रदेश में लावारिस कुत्तों का आतंक बढ़ता जा रहा है। वर्ष 2025 में कुत्तों के काटने के ढाई लाख से अधिक मामले सामने आए जबकि वर्ष 2024 में डॉग बाइट के 2.13 लाख मामले रिपोर्ट किए गए थे।  सुप्रीम कोर्ट के फैसले से कई संगठनों में मायूसी पेटा (PETA) इंडिया के मुताबिक देश में आवारा कुत्तों की अनुमानित संख्या 6.2 करोड़ है। इनकी संख्या बढ़ने की मुख्य वजह एनिमल बर्थ कंट्रोल (ABC) रूल्स का सही पालन न होना है। इन नियमों के तहत कुत्तों की नसबंदी और रेबीज टीकाकरण होना चाहिए। पेटा ने एनिमल वेलफेयर बोर्ड ऑफ इंडिया की एसओपी पर ऐतराज जताया है। संगठन का कहना है कि इस एसओपी में हर कुत्ते के लिए सिर्फ 20 वर्गफुट जगह तय है। इतने छोटे स्थान में इन्हें नीचलन रखना क्रूरता है। इससे बीमारियां फैल सकती हैं। इतने बड़े स्तर पर कुत्तों को बंद रखने के लिए न पर्याप्त जगह है और न ही बजट और न ही प्रशासनिक व्यवस्था है। एक दैनिक अखबार में प्रकाशित कुत्तों के आंकड़ों पर आयोग ने कहा था कि 3.34 लाख डॉग बाइट के मामले चौंकाने वाले हैं। लावारिस कुत्ते सार्वजनिक सुरक्षा के लिए बड़ी चिंता बन गए हैं। बता दें कि पंजाब में 2025 में डॉग बाइट के 3.34 लाख मामले रिपोर्ट हुए थे जबकि 2026 में अब तक 50 हजार से अधिक मामले दर्ज किए जा चुके हैं। जस्टिस संत प्रकाश और जस्टिस गुरबीर सिंह जता चुके चिंता पंजाब -चंडीगढ़ मानवाधिकार आयोग के चेयरपर्सन जस्टिस संत प्रकाश और सदस्य जस्टिस गुरबीर सिंह पर आधारित आयोग ने जालंधर, लुधियाना, पटियाला और संगरूर के नगर निगम कमिश्नरों सहित निदेशक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग पंजाब को नोटिस जारी कर कुत्तों के काटने के मामलों की रिपोर्ट पेश करने को कहा था। आयोग ने कहा था कि 2025 के 3.34 लाख मामलों में ही अगर पीड़ितों को मुआवजा दिया जाता है तो सूबा सरकार पर 2 हजार करोड़ रुपए से अधिक का वित्तीय बोझ पड़ेगा। अकेले संगरूर जिले में ही नगर कौंसिल को 10 करोड़ रुपए का खर्च उठाना पड़ सकता है। 5 साल में तीन गुना बढ़े कुत्तों के काटने के केस हेल्थ विभाग पंजाब के आंकड़ों के अनुसार पिछले 5 सालों में पंजाब में कुत्तों के काटने के मामले तीन गुना बढ़े हैं। साल 2020 में जहां 1 लाख 10 हजार 472 मामले दर्ज थे, वहीं यह बढ़कर 2021 में 1 लाख 26 हजार 842 हो गए। इसी तरह साल 2022 में 1 लाख 65 हजार 133 मामले रिकॉर्ड हुए और 2023 में भी यह आंकड़े 1 लाख 65 हजार 133 ही दर्ज किए गए। इसके बाद 2024 में यह मामले बढ़कर 2 लाख 13 हजार 521 हुए और 2025 में रिकॉर्ड तोड़ 3 लाख 34 हजार 736 तक पहुंच गए। 2026 की बात करें तो अब तक पंजाब में 5 महीने में 50 हजार से अधिक मामले दर्ज किए जा चुके हैं। SOP में हर कुत्ते के लिए सिर्फ 20 वर्गफुट जगह तय है ह्यूमन वर्ल्ड फॉर एनिमल्स इंडिया के एमडी आलोकवर्मा सेनगुप्ता ने कहा कि इंसानों और आवारा कुत्तों के बीच बढ़ते संघर्ष की असली वजह कुत्तों की मौजूदगी नहीं, बल्कि सालों से नसबंदी और रेबीज टीकाकरण कार्यक्रम का सही ढंग से लागू न होना है। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने भी माना है कि कानून और नियम पहले से मौजूद हैं, लेकिन स्थानीय प्रशासन ने उन्हें प्रभावी तरीके से लागू नहीं किया। संगठन ने अदालत के उस निर्देश का स्वागत किया, जिसमें उसने कहा है कि देश के हर जिले में कम से कम एक पूरी तरह काम करने वाला एबीसी सेंटर बनाया जाए। जबरन कार्रवाई से बढ़ सकती है आवारा कुत्तों की समस्या: संगठन संगठन ने कहा कि राज्य सरकारें और केंद्र शासित प्रदेश ऐसे कदम न उठाएं जो कानून और वैधानिक प्रक्रिया से बाहर हो। इनमें कुत्तों को जबरन हटाने, बड़ी संख्या में पकड़कर बंद करने, मारना या हटाने की नीति अपनाने जैसे कदम शामिल हैं। उनका कहना है कि इससे समस्या कम नहीं होगी, बल्कि दोबारा आबादी बढ़ेगी और संघर्ष बढ़ सकता है। संगठनों ने क्या दिए सुझाव कुत्तों के लिए तय समय में बड़े स्तर पर वैज्ञानिक तरीके से नसबंदी अभियान चले, रेबीज टीकाकरण हो, अवैध ब्रीडर और पालतू पशु दुकानों पर कार्रवाई हो, विदेशी नस्ल के डॉग्स के अवैध प्रजनन पर रोक लगे, कुत्तों को खाना खिलाने वालों की सुरक्षा सुनिश्चित हो, डॉग्स को गोद लेने को बढ़ावा दिया जाए और स्थानीय निकायो की जिम्मेदारी तय की जाए। कब-कब क्या हुआ? 28 जुलाई 2025 : SC ने टाइम्स ऑफ इंडिया अखबार के में प्रकाशित समाचार 'आवारा कुत्तों से त्रस्त शहर, बच्चे भुगत रहे कीमत' (City hounded by strays and kids pay price) पर स्वतः संज्ञान (suo moto cognisance) लिया था। 11 अगस्त 2025 : कोर्ट ने दिल्ली और एमसीडी की अथॉरिटी को निर्देश जारी किया कि वे … Read more

मानक से ज्यादा फीस लेना पड़ा भारी, निजी स्कूलों पर 5 लाख जुर्माने की चेतावनी

लखनऊ यूपी के लखनऊ में ज्यादा फीस लेने वाले आठ निजी स्कूलों को नोटिस जारी किया गया है। साथ ही 5 लाख रुपये तक जुर्माना लगाने की चेतावनी भी दी गई है। डीएम विशाख जी की अध्यक्षता में गुरुवार जिला शुल्क नियामक समिति की बैठक हुई। जिसमें बच्चों से तय मानक से ज्यादा फीस लेने वाले स्कूलों को नोटिस जारी कर पांच लाख रुपये जुर्माने की चेतावनी दी गई। इनको एक जून तक जवाब देने का मौका दिया गया है। समिति को 20 विद्यालयों के खिलाफ बढ़ी फीस लेने की 28 शिकायतें मिली थीं। जांच में आठ शिकायतें सही पाई गईं। इनमें से दो स्कूलों ने कमेटी की जांच में ज्यादा फीस लेने की बात स्वीकार की। कार्रवाई के डर से इन स्कूलों ने बढ़ी फीस अगले महीने में समायोजित करने का आश्वासन दिया है। उत्तर प्रदेश स्ववित्तपोषित विद्यालय (शुल्क विनियमन) अधिनियम- 2018 एवं संशोधन अधिनियम 2020 के अनुपालन में गुरुवार को डीएम की अध्यक्षता में समीक्षा की गई। बैठक में समिति ने जांच रिपोर्ट प्रस्तुत की। इस पर डीएम ने निर्देश दिए कि अधिक फीस लेने वाले विद्यालयों को नोटिस जारी कर पूछा जाए कि उनके खिलाफ अर्थदंड क्यों न लगाया जाए। इन स्कूलों को मिला नोटिस डीआईओएस राकेश कुमार ने बताया कि नोटिस पाने वाले विद्यालयों में एलन हाउस पब्लिक स्कूल, सीलवती आइडियल पब्लिक स्कूल, रामनगर, आश्रम एकेडमी, कृष्णानगर, हुकुम सिंह मेमोरियल इंटर कॉलेज, इंदिरानगर, सेंट डोमिनिक इंटर कॉलेज, सेठ एमआर जयपुरिया गोयल कैम्पस, अयोध्या रोड, ब्राइट वे इंटर कॉलेज, जानकीपुरम और केजे मॉडर्न पब्लिक स्कूल शामिल हैं।

दूध उबलकर गिरना: वास्तु और ज्योतिष में क्या है इसका संकेत, जानें चंद्र दोष से जुड़ा रहस्य

 क्या आपके घर में भी अक्सर ऐसा होता है कि चूल्हे पर दूध रखा और नजर हटते ही वह उबलकर बाहर गिर गया? अमूमन हम इसे एक आम लापरवाही मानकर साफ कर देते हैं और भूल जाते हैं. लेकिन क्या आप जानते हैं कि वास्तु और ज्योतिष शास्त्र में इस तरह दूध का बार-बार गिरना महज एक इत्तेफाक नहीं माना जाता? रसोई में होने वाली यह छोटी सी घटना आपके जीवन, मानसिक शांति और यहां तक कि आपकी जेब पर भी बड़ा असर डाल सकती है. आइए जानते हैं कि उबलते हुए दूध का बार-बार गिरना आपके भविष्य को लेकर क्या संकेत दे रहा है और इसके पीछे की असल वजह क्या है. कमजोर चंद्रमा और मानसिक तनाव ज्योतिष शास्त्र में दूध का सीधा संबंध चंद्रमा से माना गया है, जो हमारे मन, शांति और भावनाओं का कारक है. यदि आपके घर में बार-बार दूध उबलकर बर्तन से बाहर गिर रहा है, तो यह कुंडली में चंद्रमा के कमजोर होने या चंद्र दोष की ओर इशारा करता है. इसके प्रभाव से आने वाले दिनों में आपके जीवन में मानसिक अस्थिरता, बेवजह का तनाव और निर्णय लेने की क्षमता में कमी आ सकती है. पारिवारिक क्लेश और अशांति की आशंका वास्तु शास्त्र के अनुसार, चूल्हे या अग्नि पर दूध का गिरना अग्नि और चंद्रमा (जल तत्व) के टकराव को दर्शाता है. अगर यह घटना अक्सर होने लगे, तो घर के सदस्यों के बीच वैचारिक मतभेद बढ़ने लगते हैं.  छोटी-छोटी बातों पर बहस, बिना वजह का तनाव और घरेलू क्लेश का माहौल बनने की आशंका रहती है. आर्थिक नुकसान और बढ़ते खर्चों का संकेत दूध को समृद्धि और लक्ष्मी का रूप भी माना जाता है. वास्तु मान्यताओं के अनुसार, उबलते दूध का बार-बार जमीन या चूल्हे पर गिरना सीधे तौर पर धन की हानि से जुड़ा है. यह इस बात का संकेत हो सकता है कि आने वाले समय में आपके अप्रत्याशित खर्चे बढ़ने वाले हैं या किसी निवेश में नुकसान हो सकता है. ऐसे समय में अपने फालतू खर्चों पर नियंत्रण रखना बेहद जरूरी हो जाता है. सेहत से जुड़ी परेशानियां अग्नि पर दूध का गिरना स्वास्थ्य के मोर्चे पर भी सचेत रहने का इशारा है.  माना जाता है कि ऐसा होने पर परिवार के सदस्यों, विशेषकर माता या घर की वरिष्ठ महिलाओं की सेहत पर बुरा असर पड़ सकता है.  यदि आपके घर में भी ऐसा लगातार हो रहा है, तो सेहत को लेकर सावधानी बरतें. शुभ कार्य से ठीक पहले दूध का गिरना अगर आप किसी विशेष काम, इंटरव्यू या यात्रा पर जाने वाले हों और ठीक उसी समय दूध उबलकर बाहर गिर जाए, तो इसे वास्तु में एक अवरोध (अपशगुन) के रूप में देखा जाता है. इसका मतलब है कि बनते हुए काम में बाधा आ सकती है. करें ये अचूक उपाय यदि आपके घर में यह समस्या लगातार बनी हुई है, तो वास्तु और ज्योतिष के इन आसान उपायों को अपनाकर आप नकारात्मक प्रभाव को कम कर सकते हैं. चंद्रमा को अर्घ्य दें: हर सोमवार को या पूर्णिमा के दिन चांदी के पात्र में जल और थोड़ा सा दूध मिलाकर चंद्रमा को अर्घ्य दें. इससे चंद्र दोष शांत होता है और मानसिक शांति मिलती है. सफेद वस्तुओं का दान: सोमवार के दिन किसी जरूरतमंद को दूध, चावल, चीनी या सफेद वस्त्र का दान करें. कपूर का उपाय: यदि किसी शुभ काम पर निकलते समय दूध गिर जाए, तो घबराने के बजाय भगवान के सामने कपूर जलाएं, उन्हें कुछ मीठा भोग लगा करअपनी भूलचूक के लिए क्षमा मांगते हुए घर से बाहर निकलें. किचन की दिशा और सफाई: हमेशा ध्यान रखें कि दूध उबालते समय आपका मुख पूर्व दिशा की ओर हो.  इसके साथ ही, किचन के उत्तर-पश्चिम (वायव्य कोण) और दक्षिण-पूर्व (आग्नेय कोण) को हमेशा साफ-सुथरा रखें, क्योंकि इन कोनों का सीधा संबंध घर की सुख-शांति और अग्नि तत्व से होता है.

Cyber Fraud Alert: गृह विभाग के नाम पर जारी हुआ फर्जी IPS ट्रांसफर आदेश, आरोपी गिरफ्तार

 पटना बिहार के तीन जिलों के एसपी के तबादले का फर्जी अधिसूचना जारी किए जाने का एक मामला सामने आया है। यह करतूत साइबर फ्रॉड गिरोह की बताई जा रही है। सीतामढ़ी, सारण और बेगूसराय जिला का एसपी के तबादले का फर्जी अधिसूचना का पता चलने पर गृह विभाग ने इसकी शिकायत पटना साइबर पुलिस में की। मामले में एक आरोपी की गिरफ्तारी की गयी है जो बिहार पुलिस में पहले से तैनात है। पुलिस उससे पूछताछ कर रही है ताकि गिरोह में शामिल अन्य गुर्गो की पहचान करके ठोस कार्रवाई की जा सके। साइबर पुलिस ने इस मामले में गुरुवार को केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक आरोपितों की गिरफ्तारी भी कर ली गई है। लेकिन अधिकारी फिलहाल इसकी पुष्टि नहीं कर रहे हैं। साइबर पुलिस इस मामले का शुक्रवार को खुलासा कर सकती है। दरअसल, पिछले दिनों एक शख्स ने सीतामढ़ी, सारण और बेगूसराय जिले के एसपी के तबादले का फर्जी अधिसूचना जारी कर दिया था। गृह मंत्रालय के नाम से जारी फर्जी पत्र सोशल मीडिया पर वायरल था। इसकी जानकारी होने पर गृह विभाग ने मामले को तुरंत संज्ञान में लिया। बाद में गृह मंत्रालय की और से इसकी शिकायत पटना साइबर थाना में की गई। गृह मंत्रालय ने साइबर पुलिस से मामले की जांच कर फर्जी अधिसूचना बनाने और उसे वायरल करने वाले की जल्द से जल्द गिरफ्तारी की मांग की है। बताया जाता है कि जिस शख्स ने फर्जी अधिसूचना जारी किया था वह पुलिस विभाग में तैनात है। गिरफ्तारी के बाद आरोपित से पूछताछ में यह पता चल सकेगा कि ऐसा करने के पीछे उसकी मंशा क्या थी। माना जा रहा है कि उसका साइबर फ्रॉड गिरोह से ताल्लुक है। इस मामले में डीएसपी व साइबर थाना प्रभारी नीतीश चंद्र धारिया ने बताया कि साइबर पुलिस मामले की छानबीन कर रही है। जल्द ही पूरे रैकेट का उद्भेदन कर लिया जाएगा। दरअसल, इस मामले का खुलासा गृह विभाग के दिवंगत पुलिस वालों के परिजनों को बीमा चेक वितरण कार्यक्रम के दौरान हुआ। विभाग के अपर मुख्य सचिव अरविंद कुमार चौधरी ने बताया कि बीती रात तीन आईपीएस के तबादले की अधिसूचना सोशल मीडिया पर वायरल होने लगा। पुलिस ने तत्परता से कार्रवाई करते हुए एक शातिर को गिरफ्तार कर लिया है जो कहीं पुलिस कार्यालय में काम कर रहा था। उन्होंने दावा किया कि क्राइम होने पर पुलिस काफी कम समय में कांड का उद्भेदन और बदमाशों की गिरफ्तारी कर रही है।

भीषण गर्मी पर योगी सरकार अलर्ट, अस्पताल-बिजली-पानी व्यवस्था की होगी लगातार निगरानी

लखनऊ यूपी में पड़ रही भीषण गर्मी और लगातार बढ़ते तापमान को देखते मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के सभी जिलाधिकारियों को राहत एवं बचाव कार्यों को लेकर पूरी सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं। सीएम योगी कहा है कि जनसामान्य को हीट स्ट्रोक, निर्जलीकरण और गर्मी से होने वाली अन्य समस्याओं से बचाने के लिए सभी विभाग समन्वय बनाकर कार्य करें। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि जिला प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग, बिजली विभाग और राहत एजेंसियां अलर्ट मोड में रहें तथा किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। साथ ही बच्चों और बुजुर्गों का ध्यान रखने को लेकर लोगों से खास अपील की। मुख्यमंत्री ने वरिष्ठ अधिकारियों को अस्पतालों, पेयजल व्यवस्था और बिजली आपूर्ति की लगातार निगरानी करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि गर्मी के इस दौर में आमजन को सबसे अधिक परेशानी बिजली कटौती और पानी की कमी से होती है, इसलिए इन दोनों व्यवस्थाओं को सुचारु बनाए रखना प्राथमिकता होनी चाहिए। सभी जिलाधिकारी अपने-अपने जनपदों में नियमित समीक्षा करें और जहां भी समस्या हो, उसका तत्काल समाधान सुनिश्चित करें। मुख्यमंत्री ने सरकारी अस्पतालों में हीट स्ट्रोक से प्रभावित मरीजों के इलाज के लिए पर्याप्त इंतजाम सुनिश्चित करने को कहा है। उन्होंने निर्देश दिए कि अस्पतालों में आवश्यक दवाएं, बेड, आईवी फ्लूइड और डॉक्टरों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए, ताकि मरीजों को समय पर उपचार मिल सके। साथ ही एंबुलेंस सेवाओं को भी सक्रिय रखने के निर्देश दिए गए हैं, जिससे आपात स्थिति में मरीजों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया जा सके। दोपहर में बच्चों को अनावश्यक बाहर न निकलने दें सीएम योगी ने कहा कि भीषण गर्मी के दौरान बच्चों व बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखा जाए, क्योंकि ये वर्ग सबसे अधिक प्रभावित होते हैं। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि दोपहर के समय बच्चों को अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलने दें और उन्हें पर्याप्त मात्रा में पानी पिलाते रहें। उन्होंने बुजुर्गों को भी तेज धूप से बचाने और उनकी नियमित स्वास्थ्य जांच कराने की सलाह दी। मुख्यमंत्री ने लोगों से ढीले सूती कपड़े पहनने की अपील की है। उन्होंने कहा कि हल्के रंग के सूती वस्त्र शरीर को ठंडा रखने में मदद करते हैं और गर्मी से राहत देते हैं। इसके साथ ही अधिक से अधिक पानी पीने, ओआरएस और नींबू पानी जैसे पेय पदार्थों का सेवन करने तथा धूप में निकलते समय सिर को ढकने जैसे उपाय अवश्य अपनाए जाएं। कार्यस्थलों पर पेयजल व छाया सुनिश्चित की जाए सीएम योगी ने आग लगने की घटनाओं को लेकर भी लोगों और अधिकारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि गर्मी के मौसम में छोटी सी लापरवाही भी बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकती है। खेतों, बाजारों, गोदामों और रिहायशी इलाकों में अग्नि सुरक्षा उपायों को लेकर विशेष सतर्कता बरती जाए। ऐसी कोई भी लापरवाही न की जाए, जिससे आग लगने का अंदेशा हो। उन्होंने फायर विभाग को भी पूरी तैयारी रखने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने श्रमिकों और मजदूरों की सुरक्षा को लेकर भी विशेष चिंता जताई। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि निर्माण कार्यों और खुले स्थानों पर काम करने वाले श्रमिकों को लू, थकावट और निर्जलीकरण से बचाने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएं। श्रमिकों से लगातार काम न कराएं कार्यस्थलों पर पेयजल, छाया व प्राथमिक उपचार की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। अत्यधिक गर्मी के समय श्रमिकों से लगातार काम न कराया जाए और उन्हें समय-समय पर आराम दिया जाए। सीएम योगी ने कहा कि सभी विभाग आपसी समन्वय से कार्य करें और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तैयारी रखें। उन्होंने जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों से भी आमजन के बीच जागरूकता फैलाने को कहा है, ताकि लोग गर्मी व लू से बचाव के उपायों को अपनाएं। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार जनता की सुरक्षा व सुविधा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और किसी भी स्थिति में लोगों को परेशानी नहीं होने दी जाएगी।

ब्रह्ममुहूर्त के सपनों का रहस्य: 5 भाग्यशाली संकेत जो बदल सकते हैं आपका भविष्य

 रात की गहरी नींद में जब हमारा चेतन मन सो जाता है, तब अचेतन मन सक्रिय होता है और हमें सपनों की एक अलग ही दुनिया में ले जाता है.  स्वप्न शास्त्र (Swapna Shastra) के अनुसार, हर सपने का एक खास अर्थ होता है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि समय के हिसाब से सपनों का महत्व बदल जाता है? ज्योतिष और शास्त्रों में ब्रह्ममुहूर्त यानी सुबह के समय देखे गए सपनों को बेहद खास और अचूक माना गया है. मान्यता है कि सूर्योदय से पहले (तड़के 3 बजे से 5 बजे के बीच) दिखने वाले सपने सीधे तौर पर हमारे आने वाले कल का संकेत देते हैं. आइए जानते हैं सुबह के समय दिखने वाले उन 5 भाग्यशाली सपनों के बारे में, जो इस बात का इशारा हैं कि आपके जीवन में सुख, समृद्धि और धन का आगमन होने वाला है. 1. सपने में खुद को या किसी और को तैरते हुए देखना यदि आप सुबह के सपने में खुद को नदी, तालाब या समुद्र के साफ पानी में तैरते हुए देखते हैं, तो यह एक बेहद शुभ संकेत है. स्वप्न शास्त्र के अनुसार, पानी में तैरना जीवन की बाधाओं के खत्म होने का प्रतीक है.  इसका मतलब है कि आपको जल्द ही अपने करियर या व्यापार में बड़ी सफलता मिलने वाली है और रुका हुआ धन वापस आने वाला है. 2. अनाज का ढेर या खेतों में लहलहाती फसल सुबह के सपने में गेहूं, चावल या किसी भी अनाज का ढेर देखना या खुद को हरे-भरे खेतों के बीच खड़ा पाना साक्षात लक्ष्मी आगमन का संकेत है. यह सपना दर्शाता है कि आने वाले दिनों में आपको आर्थिक तंगी से मुक्ति मिलेगी और घर में अन्न-धन के भंडार भरे रहेंगे. 3. देवी-देवताओं या धार्मिक गुरुओं के दर्शन अगर ब्रह्ममुहूर्त में आपके सपने में कोई देवी-देवता, साधु-संत या आपके आराध्य प्रकट होते हैं, तो समझ लीजिए कि आप पर ईश्वरीय कृपा बरसने वाली है.  ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, ऐसा सपना आने पर व्यक्ति के मान-सम्मान में वृद्धि होती है, नौकरी में प्रमोशन या बिजनेस में बड़े मुनाफे के योग बनते हैं. 4. सफेद गाय या बछड़े का दिखना हिंदू धर्म में गाय को पूजनीय माना गया है. यदि सुबह के सपने में आपको सफेद गाय दिखाई दे, या गाय अपने बछड़े को दूध पिलाती नजर आए, तो यह सुख-समृद्धि आने वाली है.  इसका अर्थ है कि आपके परिवार में चल रहे आपसी कलह खत्म होंगे और कोई शुभ समाचार मिलेगा. 5. सपने में ऊंचाई पर चढ़ना (पहाड़ या पेड़) यदि आप सुबह के सपने में खुद को किसी ऊंचे पहाड़, इमारत या पेड़ पर चढ़ते हुए देखते हैं, तो स्वप्न शास्त्र के अनुसार यह आपकी उन्नति (Progress) को दर्शाता है.  यह सपना इस बात का संकेत है कि समाज में आपका रुतबा बढ़ने वाला है,  इसका मतलब यह भी होता है कि आप अपने लक्ष्यों को आसानी से हासिल कर लेंगे. क्यों सच होते हैं सुबह के सपने? मन की पवित्रता: ज्योतिषियों के अनुसार, रात भर की नींद के बाद सुबह के समय हमारा मस्तिष्क शांत और विचारमुक्त होता है.  इस समय ब्रह्मांडीय ऊर्जा (Cosmic Energy) का प्रवाह तेज होता है, जिससे हमारा अचेतन मन भविष्य की घटनाओं को भांप लेता है. समय का महत्व: शास्त्रों के अनुसार, मध्यरात्रि (12 से 2 बजे) के सपने अक्सर 6 महीने से 1 साल में सच होते हैं, जबकि ब्रह्ममुहूर्त (3 से 5 बजे) के सपने अगले 15 दिनों से लेकर 1 महीने के भीतर सच हो सकते हैं. क्या करें: यदि आपको सुबह कोई बेहद शुभ सपना दिखाई दे, तो शास्त्रों के अनुसार इसे हर किसी से शेयर नहीं करना चाहिए.  मान्यता है कि शुभ सपनों को गुप्त रखने से उनका प्रभाव और अधिक बढ़ जाता है.  वहीं अगर कोई डरावना या अशुभ सपना दिखे, तो सुबह उठकर शिव जी के मंत्रों का जाप करना चाहिए या भगवान विष्णु से प्रार्थना करनी चाहिए.

Heatwave Alert: पटना समेत कई जिलों में स्कूलों पर पाबंदी, डीएम का बड़ा आदेश

पटना बिहार की राजधानी पटना में भीषण गर्मी और हीटवेव को देखते हुए 5वीं तक के स्कूल बंद कर दिए गए हैं। डीएम त्यागाराजन ने कक्षा 6 से 8 का समय भी बदल दिया है। छठी से आठवीं तक के छात्र-छात्राओं की छुट्टी सुबह 10.30 बजे तक हर हालत में कर दी जाएगी। डीएम ने जिले के सभी निजी एवं सरकारी स्कूल, आंगनबाड़ी केंद्रों और प्री स्कूलों के लिए यह आदेश जारी किया। यह आदेश शुक्रवार 22 मई से मंगलवार 26 मई तक लागू रहेगा। बिहार के अन्य जिलों में भी स्कूलों में पाबंदी लगाई गई है। डीएम त्यागराजन ने गुरुवार को जारी आदेश में कहा कि दोपहर के समय पड़ रही भीषण गर्मी के कारण बच्चों के स्वास्थ्य और जीवन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका है। इस कारण 5वीं तक की कक्षाओं की शैक्षणिक गतिविधियों पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाया गया है पटना में 40 डिग्री के ऊपर पहुंचा तापमान पटना में गुरुवार को तापमान 40 डिग्री सेल्यिसय के पार चला गया। दोपहर के समय तपिश और लू की स्थिति देखने को मिली। इस कारण डीएम ने तुरंत आदेश जारी कर स्कूलों पर पाबंदी लगा दी। छोटे बच्चों के स्कूल बंद होने और छठी से आठवीं तक की कक्षाओं का समय बदले जाने से अभिभावकों को राहत मिली है। अभी और बढ़ेगी गर्मी मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार बिहार में अभी गर्मी और बढ़ेगी। अगले 3-4 दिनों तक पटना का मौसम शुष्क रहने के आसार हैं। तीखी धूप और लू चलने से तापमान में और बढ़ोतरी हो सकती है। पटना जिला प्रशासन ने भीषण गर्मी को देखते हुए लोगों को सावधानी बरतने की अपील की है। लू से बचाव के लिए दोपहर के समय अनावश्यक घर से बाहर ना निकलें। नंगे पैर धूप में ना रहें। छोटे बच्चों, गर्भवती महिलाओं, बुजुर्गों को विशेष सतर्कता बरतने को कहा गया है। भीषण गर्मी में शरीर को हायड्रेट रखने के लिए लगातार पानी, जूस, नारियल पानी, नींबू, तरबूज आदि का सेवन करें। छपरा, सासाराम, कैमूर, गयाजी में भी स्कूल बंद बता दें कि भीषण गर्मी का असर दक्षिण बिहार के जिलों में अत्यधिक पड़ रहा है। इसके चलते अन्य जिलों में भी स्कूलों पर पाबंदी लगाई गई है। छपरा और कैमूर में 5वीं तक के स्कूल पहले ही बंद किए जा चुके हैं। इसी तरह, सासाराम में 5वीं तक के स्कूल 31 मई तक बंद कर दिए गए हैं। गयाजी में भी छोटे बच्चों के स्कूल 25 मई तक बंद हुए हैं।

नौतपा 2026: सूर्य के रोहिणी नक्षत्र में प्रवेश से बढ़ेगी भीषण गर्मी और लू का खतरा

 ज्येष्ठ महीने के शुरू होते ही गर्मी अपना प्रचंड रूप दिखाने लगी है. लेकिन अब नौतपा के चलते सूरज आग के गोले की तरह तपने वाला है. ज्योतिषीय गणना के अनुसार, 25 मई 2026 को दोपहर 03:37 बजे ग्रहों के राजा सूर्य देव अपने मित्र चंद्रमा के नक्षत्र 'रोहिणी' में प्रवेश कर रहे हैं. सूर्य का यह नक्षत्र परिवर्तन प्रकृति और मानव जीवन पर बड़ा असर डालेगा. सूर्य के रोहिणी में आते ही 25 मई से 2 जून 2026 तक 'नौतपा' रहेगा, जिसके कारण उत्तर और मध्य भारत में भीषण हीटवेव (लू) की स्थिति बनेगी. वैदिक ज्योतिष के अनुसार, रोहिणी नक्षत्र के स्वामी चंद्रमा हैं, जो शीतलता के प्रतीक हैं. जब अग्नि तत्व सूर्य देव इस नक्षत्र में आते हैं, तो वे इसकी शीतलता को सोख लेते हैं, जिससे पृथ्वी का तापमान रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच जाता है. सूर्य का यह उग्र रूप 8 जून 2026 तक रहेगा, लेकिन शुरुआती 9 दिन यानी नौतपा का समय सबसे ज्यादा कष्टप्रद होगा. सूर्य के इस गोचर से जहां कुछ राशियों को लाभ होगा, वहीं 4 विशेष राशियां ऐसी हैं जिन्हें इस दौरान आर्थिक, मानसिक और स्वास्थ्य के मोर्चे पर भारी नुकसान और चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है. 1. वृषभ राशि (Taurus) चूंकि सूर्य देव आपकी ही राशि में रहते हुए रोहिणी नक्षत्र में गोचर कर रहे हैं, इसलिए इसका सबसे सीधा और गहरा प्रभाव आप पर पड़ेगा. इस अवधि में आपके स्वभाव में बेवजह का गुस्सा, अहंकार और चिड़चिड़ापन बढ़ सकता है. कार्यस्थल पर सहकर्मियों या बिजनेस में पार्टनर के साथ गंभीर विवाद हो सकते हैं. 25 मई से 8 जून के बीच पार्टनरशिप के कामों में कोई भी बड़ा फैसला जल्दबाजी में न लें. अपनी वाणी पर नियंत्रण रखें, अन्यथा बनते काम बिगड़ सकते हैं. 2. मिथुन राशि (Gemini) मिथुन राशि के जातकों के लिए सूर्य का यह गोचर आपकी राशि से बारहवें भाव यानी व्यय और हानि के भाव में होने जा रहा है. इस दौरान आपके खर्चों में अप्रत्याशित रूप से भारी बढ़ोतरी हो सकती है, जिससे बजट पूरी तरह बिगड़ जाएगा. धन हानि के प्रबल योग बन रहे हैं. किसी कानूनी मामले या कोर्ट-कचहरी के चक्कर में दौड़भाग और मानसिक तनाव बढ़ सकता है. इस समय अवधि में किसी को भी बड़ा कर्ज या उधार देने से बचें. पैसों के लेनदेन में पूरी सतर्कता बरतें. 3. वृश्चिक राशि (Scorpio) सूर्य देव आपकी राशि से सातवें भाव (साझेदारी और वैवाहिक जीवन) में गोचर करेंगे, जो सीधे आपके रिश्तों को प्रभावित करेगा. दांपत्य जीवन में जीवनसाथी के साथ गलतफहमियां और तनाव बढ़ सकता है. व्यापार में यदि पार्टनरशिप है, तो वहां भी मतभेद उभर सकते हैं. कार्यक्षेत्र में आपकी प्रतिष्ठा को थोड़ी ठेस पहुंचने की आशंका है. जीवनसाथी के स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखें. किसी भी व्यावसायिक दस्तावेज पर बिना अच्छी तरह पढ़े हस्ताक्षर न करें. 4. कुंभ राशि (Aquarius) कुंभ राशि के जातकों के लिए सूर्य का यह गोचर चौथे भाव में होने जा रहा है, जिसे सुख, संपत्ति और माता का भाव माना जाता है. पारिवारिक सुख-शांति में कमी आ सकती है और घरेलू मोर्चे पर वाद-विवाद की स्थिति बन सकती है. भूमि, मकान या वाहन से जुड़े मामलों में अचानक रुकावटें आ सकती हैं. इसके अलावा, सेहत में गिरावट आ सकती है. अपनी माता के स्वास्थ्य को लेकर बिल्कुल भी लापरवाही न बरतें. सीने में तकलीफ या हाई ब्लड प्रेशर (रक्तचाप) के मरीज इस दौरान अपनी दवाइयां समय पर लें और धूप में निकलने से बचें.