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सीएम डॉ. यादव करेंगे गांधीसागर फॉरेस्ट रिट्रीट का शुभारंभ, लक्ज़री कैंपिंग और हवाई रोमांच का केंद्र बनेगा

लक्ज़री कैंपिंग से हवाई एडवेंचर का मिलेगा रोमांचक अनुभव भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शुक्रवार 12 सितम्बर को मंदसौर में गांधीसागर फॉरेस्ट रिट्रीट के चौथे संस्करण का शुभारंभ करेंगे। यह रिट्रीट लल्लूजी एंड संस द्वारा मध्यप्रदेश पर्यटन बोर्ड के सहयोग से विकसित किया गया है, जो लक्ज़री कैंपिंग, एडवेंचर टूरिज्म और सांस्कृतिक गतिविधियों का अनूठा संगम है। गांधीसागर फॉरेस्ट रिट्रीट के दौरान पर्यटक टेंट सिटी में हॉट-एयर बलूनिंग, पैरामोटरिंग, जेट स्कीइंग, कायाकिंग और मोटर बोटिंग जैसी रोमांचक गतिविधियों का आनंद ले सकेंगे। हिंगलाजगढ़ किले की हेरिटेज ट्रेल, गांधीसागर अभयारण्य में वन्यजीव सफारी और ग्रामीण जीवन के अनुभव भी पर्यटकों के आकर्षण का हिस्सा रहेंगे। इस रिट्रीट में पर्यावरण संरक्षण और जैव विविधता पर विशेष ध्यान दिया गया है। लगभग 2,500 वर्ग मीटर क्षेत्र में विकसित बटरफ्लाई गार्डन में 4,000 से अधिक पोषक एवं पराग प्रजातियों के पौधे लगाए गए हैं। यहां पहले से ही 40 से अधिक तितली प्रजातियां दर्ज की जा चुकी हैं। यह केंद्र शिक्षा एवं इंटरप्रिटेशन स्थल के रूप में पर्यटकों को तितलियों के जीवन चक्र की जानकारी प्रदान करेगा। इसके अलावा इस सीज़न में रॉक आर्ट इंटरप्रिटेशन ज़ोन, जो चतुर्भुज नाला की प्राचीन शैलचित्र कला से प्रेरित है, तथा बायोडायवर्सिटी वॉक जैसी गतिविधियां भी शामिल की गई हैं। पर्यटक इस रिट्रीट में गाइडेड बटरफ्लाई गार्डन टूर, नेचर वॉक, बर्ड वॉचिंग, वाटर स्पोर्ट्स (स्पीड बोट, बनाना राइड, जेट स्की, कयाकिंग) और हवाई एडवेंचर (हॉट एयर बैलूनिंग व पैरामोटरिंग) जैसी शानदार गतिविधियों का अनुभव लेकर प्रकृति के और करीब आ सकेंगे।  

देशी तकनीक से सशक्त हुई नौसेना, पहला 3D एयर रडार कमीशन — हवाई खतरे होंगे नाकाम

नई दिल्ली टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स लिमिटेड (TASL) ने स्पेन की डिफेंस कंपनी इंद्रा के साथ मिलकर भारतीय नौसेना के लिए पहला 3D एयर सर्विलांस रडार (3D-ASR) – लांजा-एन कमीशन किया है. यह रडार एक भारतीय नौसेना के युद्धपोत पर लगाया गया है. यह भारत की रक्षा आत्मनिर्भरता की दिशा में एक बड़ा कदम है. लांजा-एन रडार क्या है? लांजा-एन इंद्रा का लांजा 3D रडार का नौसैनिक संस्करण है, जो दुनिया के सबसे एडवांस लॉन्ग-रेंज एयर डिफेंस और एंटी-मिसाइल रडार में से एक है. यह रडार हवा और सतह दोनों के लक्ष्यों को 3D में ट्रैक करता है. इसकी रेंज 254 नॉटिकल माइल्स (लगभग 470 किमी) है. यह ड्रोन, सुपरसोनिक फाइटर जेट, एंटी-रेडिएशन मिसाइल, और नौसैनिक प्लेटफॉर्म को पकड़ सकता है. यह खराब मौसम में भी काम करता है और दुश्मन के हमलों को रोकने में माहिर है. यह पहली बार है जब लांजा-एन रडार स्पेन के बाहर काम करेगा. इंद्रा ने इसे भारतीय महासागर की नमी और गर्मी के लिए अनुकूलित किया है. रडार को युद्धपोत के सभी सिस्टम से जोड़ा गया है. सख्त समुद्री परीक्षणों के बाद इसे स्वीकार किया गया. परीक्षणों में विभिन्न नौसैनिक और हवाई प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल किया गया. टाटा और इंद्रा का सहयोग यह उपलब्धि टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स (TASL) और इंद्रा के बीच 2020 में हुए समझौते का नतीजा है. इस समझौते में 23 रडारों की डिलीवरी का प्रावधान है, जिनमें से तीन पूरे इंद्रा से आएंगे. बाकी 20 टाटा भारत में असेंबल करेगा. टाटा ने कर्नाटक में एक रडार असेंबली, इंटीग्रेशन और टेस्टिंग फैसिलिटी बनाई है, जो डिलीवरी को तेज करेगी. TASL के CEO और MD सुकर्ण सिंह ने कहा कि इंद्रा के साथ हमारा सहयोग भारत में रडार निर्माण क्षमता को मजबूत करने का प्रतीक है. हम स्थानीय सप्लाई चेन और तकनीकी विशेषज्ञता से उन्नत रक्षा प्रणालियों का इकोसिस्टम बना रहे हैं. इंद्रा के नेवल बिजनेस यूनिट की हेड आना बुएंडिया ने कहा कि यह प्रोजेक्ट रडार डिलीवरी से आगे है. हमने बेंगलुरु में टाटा के साथ रडार फैक्ट्री बनाई, जो हमें स्थानीय उत्पादन और सेवा प्रदान करने में मदद करेगी.  भारतीय नौसेना के लिए महत्व यह रडार भारतीय नौसेना के फ्रिगेट, डिस्ट्रॉयर और एयरक्राफ्ट कैरियर पर लगाया जाएगा. पहले कमीशंड रडार एक युद्धपोत पर लगाया गया है. बाकी जल्द ही आएंगे. यह नौसेना की निगरानी क्षमता को मजबूत करेगा. खासकर दुश्मन के ड्रोन, जेट और मिसाइलों के खिलाफ.  इंद्रा का लांजा-एन रडार मॉड्यूलर, सॉलिड-स्टेट और पल्स्ड टैक्टिकल रडार है, जो सभी प्रकार के हवाई और सतही लक्ष्यों को ट्रैक करता है. यह भारत की रक्षा आत्मनिर्भरता की दिशा में एक बड़ा कदम है. टाटा पहली भारतीय कंपनी बनी जो नेक्स्ट-जनरेशन नेवल सर्विलांस रडार बना और इंटीग्रेट कर रही है. 50% से ज्यादा लोकलाइजेशन होगा, जो ‘मेक इन इंडिया’ को बढ़ावा देगा.

आज का राशिफल: 12 सितंबर को इन राशियों पर बरसेगा भाग्य, सूर्य देगा साथ

मेष राशि- मेष राशि वालों आज का दिन आपके जीवन में खुशियां लेकर आने वाला है। आप चीजों में जल्दबाजी करने की इच्छा महसूस कर रहे होंगे। अपना समय लेना और धैर्य बनाए रखना महत्वपूर्ण है। अपने रास्ते में आने वाली किसी भी चुनौती से निपटने के लिए तैयार रहें। वृषभ राशि- आज के दिन आपका प्रेम जीवन समृद्ध रहेगा। करियर तौर पर रचनात्मक योजना बनाएं ताकि आप विकास की ओर बढ़ सकें। आपको विनम्र और ईमानदार रहना चाहिए। आपकी प्रतिभा आपके काम आएगी। मिथुन राशि- आज के दिन आपकी आर्थिक स्थिति में सुधार होगा लेकिन आप बहुत ज्यादा पैसे नहीं बचा पाएंगे। हेल्दी डाइट लेना जरूरी है। आपको मानसिक शांति पाने के लिए मेडिटेशन करना चाहिए। टीम वर्क पर ध्यान दें। कर्क राशि- आज के दिन आपकी आर्थिक स्थिति अच्छी रहेगी। अपने करियर और निजी जीवन को एक साथ संतुलित करने का प्रयास करें। अपने साथी के साथ क्वालिटी टाइम स्पेन्ड करें ताकि आप एक साथ गहरा कनेक्शन स्थापित कर सकें। सिंह राशि- आज के दिन आप अपने रिश्ते को अगले लेवल पर ले जा सकते हैं। अगर आप शादी के बारे में सोच रहे हैं तो आपको आर्थिक और इमोशनल तौर पर सोच-विचार करने की जरूरत है। आगे की एक नई यात्रा के लिए तैयार हो जाएं। कन्या राशि- आज के दिन आप किसी रिसकी इनवेस्टमेंट की ओर बढ़ सकते हैं, जो आपकी वित्तीय स्थिति को नुकसान पहुंचा सकता है। सोच समझकर धन से जुड़े फैसले लें। अपने पार्टनर को बेहतर तरीके से जानने के लिए साथ में कुछ अच्छा समय बिताना बेहतर होगा। तुला राशि- आज के दिन छोटी बचत से शुरुआत करें। क्या आप अपनी वर्तमान वित्तीय स्थिति को मैनेज करने में सक्षम हैं? इस बात पर गौर करें। आपका निजी और व्यावसायिक जीवन संतुलित रहेगा। लाइफ में रोमांस बढ़ाने पर फोकस करें। वृश्चिक राशि- आज के दिन तनाव कम लें। बचत करने की कोशिश करें क्योंकि यह आपके वर्तमान आय के स्तर को बनाए रखने में मदद करेगा। अगर आप अपने रिश्ते को लेकर बहुत गंभीर हैं तो शादी के बारे में सोचने का यह समय शुभ है। धनु राशि- आज के दिन अपने फाइनेंस को संभालना मुश्किल हो सकता है। आपके सभी काम पूरे होंगे। आपको कुछ नया करने का मौका भी मिलेगा। दूसरी ओर, आपको अपने रिश्ते में रोमांस बनाए रखने की जरूरत है। मकर राशि- आज के दिन बचत जरूर करें। अगर आप अपनी इन्कम को अनावश्यक खर्चों में बर्बाद करेंगे तो आप इमर्जेंसी परिस्थितियों का सामना नहीं कर पाएंगे। आपको जरूरत पड़ने पर एक्सपर्ट की मदद लेनी चाहिए। कुंभ राशि- आज के दिन कुंभ राशि की आर्थिक स्थिति बहुत अच्छी रहेगी। स्टॉक एक्स्पर्ट्स के साथ बात-चीत करते समय आपको सतर्क रहने की जरूरत है। अपने पार्टनर के साथ उन मुद्दों पर बात करें, जो आपके रिश्ते में समस्याएं पैदा कर रहे हैं। मीन राशि- मीन राशि के लोगों आज के दिन आपका साथी यह ध्यान रखेगा कि आप जीवन में खुश और संतुष्ट रहें। आपका करियर केंद्र स्तर पर रहने वाला है। नई चुनौतियों का सामना करें क्योंकि इससे सफलता मिलेगी। आपको रोमांचक अवसर मिल सकते हैं।

राजनीतिक सियासत: लालू ने तेजस्वी की ताकत बढ़ाने के लिए किया सक्रिय प्रयास, कांग्रेस देरी में

पटना राजद की चुनावी रणनीति का निर्धारण और तेजस्वी यादव को संवाद की सीख देकर एक समय निश्चिंत हो चुके लालू प्रसाद की सक्रियता दोबारा बढ़ गई है। स्वास्थ्य इसकी अनुमति नहीं देता, फिर भी वे दौड़-धूप कर रहे। एकमात्र उद्देश्य तेजस्वी को सत्तासीन करना है। लालू मान चुके हैं कि उनके हस्तक्षेप के बिना न सीटों पर समझौता संभव है और ना ही मुख्यमंत्री के चेहरे का निर्धारण। कांग्रेस आज आनाकानी कर रही, तो कल को कन्नी भी काट सकती है। चिंता महागठबंधन में पीछे धकियाने जाने की भी है। सामाजिक समीकरण का विस्तार किए बिना राजद को सत्ता मिलने से रही, जबकि परंपरागत जनाधार (मुसलमान-यादव) पर ही हिस्सेदार खड़े हो गए हैं, इसलिए लालू ने अपनी रणनीति का रुख दोतरफा कर दिया है। आक्रामक बयानों से वे कोर वोटरों को साधने का उपक्रम कर रहे, तो फील्ड में सक्रियता से विरोधियों के साथ महागठबंधन के घटक दलों को हर दांव-पेच से निपटने की चुनौती दे रहे। एनडीए, विशेषकर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, पर उनके बोल बेहद तीखे होते जा रहे। नीतीश सरकार के 20 वर्षों के शासन को वे "दो पीढ़ियों को बर्बाद करने वाला" करार चुके हैं। एक्स पर लिख चुके हैं, "ऐ मोदी जी, विक्ट्री चाहिए बिहार से और फैक्ट्री दीजिएगा गुजरात में! यह गुजराती फार्मूला बिहार में नहीं चलेगा!" क्षेत्रीय अस्मिता को उभारने वाला यह बयान वस्तुत: जनाधार के विस्तार की आकांक्षा है। लालू सपरिवार गयाजी पहुंच थे। अपने हाथों कोई षट्कर्म नहीं किया, क्योंकि गयाजी में वे पहले ही पिंडदान कर चुके हैं, फिर भी विष्णुपद मंदिर पहुंचे। उनकी यह पहल सीतामढ़ी में जानकी मंदिर पहुंचे राहुल गांधी से उत्प्रेरित मानी जा रही, जो धुव्रीकरण की आशंका को निर्मूल करने के उद्देश्य से रही। मुसलमानों के हिमायती राजद के लिए ध्रुवीकरण की स्थिति कभी लाभप्रद नहीं रहती, इसलिए लालू ने तेजस्वी को इससे बचते हुए ''खैनी में चूना रगड़ देने'' वाले बयान को बारंबार दोहराने की सीख दी। यह बयान वस्तुत: अगड़ों पर आक्षेप और कोर वोटरों को साधने का उपक्रम रहा। बहरहाल, लालू की रणनीति युवा-महिला वोटरों को लुभाने और एनडीए के वोट-बैंक में सेंधमारी के साथ तेजस्वी की छवि को एक प्रगतिशील नेता के रूप में स्थापित करने की है। माई-बहिन मान योजना और शत प्रतिशत डोमिसाइल के वादे के साथ महागठबंधन में नए सहयोगियों (झामुमो और रालोजपा) को जोड़ने से इसका आभास होता है। सारे निर्णय लालू के रहे। हालांकि, परिवार के भीतर मतभेद, महागठबंधन में अंतर्द्वंद्व और कानूनी चुनौतियां उनकी इच्छाओं पर तुषारापात कर रहीं। इसके बावजूद वे तेजस्वी को मुख्यमंत्री का चेहरा बता रहे, क्योंकि इसके लिए अभी कोई दूसरा दमदार आवाज नहीं। पांच फरवरी को नालंदा में लालू ने तेजस्वी को ही महागठबंधन में मुख्यमंत्री का चेहरा बताया था। उसके बाद मोतिहारी में कहा कि "तेजस्वी को मुख्यमंत्री बनने से कोई माई का लाल नहीं रोक सकता।" इस उद्घाेष के बावजूद कांग्रेस पेच फंसाए है। ऐसे में लालू इत्मीनान से नहीं बैठ सकते। मोतिहारी में वे पूर्व विधायक यमुना यादव के निधन पर शोक जताने गए। पुराने नेताओं के स्वजनों का दु:ख साझा करने के लिए ऐसे ही वैशाली और आरा भी जा चुके हैं। इस स्तर पर लालू की सक्रियता पिछले वर्षों में नहीं रही। हालांकि, उनकी अति-सक्रियता राजद की संभावना के प्रतिकूल भी पड़ जाती है। तब जंगलराज की पुनर्वापसी की आशंका जताते विरोधी कुछ अधिक आक्रामक हो जाते हैं।  

दोबारा ऐसा ना हो: कतर संकट पर भड़के डोनाल्ड ट्रंप, नेतन्याहू को किया फोन

तेल अवीव  बीते दो सालों से गाजा में हमास और इजरायल के बीच जारी जंग पहले ही कई देशों तक पहुंच चुकी है। लेबनान, ईरान जैसे देशों से इजरायल सीधे जंग में उतर चुका है, लेकिन मंगलवार को उसने हैरान कर दिया। इजरायली सेना ने कतर की राजधानी दोहा पर ही हमले कर दिए और हमास के आतंकियों को टारगेट करने का दावा किया। यह वही कतर है, जहां पर हमास के साथ मध्यस्थता की मीटिंगें होती रही हैं। ऐसे में शांति वार्ता का मंच बने देश के अंदर ही घुसकर हमले करने से पूरे मिडल ईस्ट के ही हालात बिगड़ने की आशंका है। रविवार और सोमवार को कतर ने इस्लामिक और अरब देशों की समिट बुला ली है। इस समिट में इजरायल के हमले से पैदा हालातों पर चर्चा होगी। इस बीच खबर है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप भी इजरायल की इस हरकत पर खफा हैं। Axios ने सूत्रों के हवाले से प्रकाशित रिपोर्ट में कहा है कि डोनाल्ड ट्रंप ने फोन करके बेंजामिन नेतन्याहू से कहा है कि ऐसी हरकत दोबारा नहीं होनी चाहिए। ट्रंप ने कहा कि यह एकदम स्वीकार नहीं किया जा सकता। मैं कह रहा हूं कि आप ऐसी हरकत फिर नहीं करेंगे। रिपोर्ट में कहा गया है कि कतर की राजधानी में हमले से डोनाल्ड ट्रंप के सलाहकार भी भौंचक्के रह गए। इसी को लेकर जब बात हुई तो ट्रंप ने नेतन्याहू और उनके सलाहकारों के काम पर हैरानी जताई और कहा कि आखिर आप ऐसा कैसे कर सकते हैं। लेकिन बात यहीं खत्म नहीं हुई है। डोनाल्ड ट्रंप के ऐतराज और मुस्लिम देशों के भड़कने के बाद भी बेंजामिन नेतन्याहू अपने रुख पर अडिग हैं। उन्होंने एक बार फिर दोहराया है कि कतर समेत आतंकियों को पालने वाले देशों पर हम हमले करते रहेंगे। उन्होंने कतर की सीधा और खुला चैलेंज देते हुए कहा है कि या तो वह आतंकियों को निकाल बाहर करे या फिर हमलों के लिए तैयार रहे। इस बीच लेबनान में एक बार फिर से इजरायल की सेना ने हमले किए हैं। सेना का कहना है कि हमने हिजबुल्ला के ठिकानों को तबाह किया है। ये हमले लेबनान की बेका घाटी में हुए हैं, जिसके वीडियो भी सोशल मीडिया पर चल रहे हैं। सीरिया ने खुद किए हिजबुल्ला के ठिकानों पर अटैक, इजरायल को सफलता इजरायली सेना ने कहा कि हमने बेका घाटी में हिजबुल्ला के ऐसे ठिकानों पर हमले किए हैं, जहां उसने हथियारों का जखीरा रखा है। यहां पहले भी इजरायल हमले करता रहा है। इस बीच इजरायल को एक सफलता यह मिली है कि सीरिया ने खुद ही अपने देश में स्थित हिजबुल्ला के ठिकानों को टारगेट किया है। दरअसल सीरिया के मौजूदा राष्ट्रपति अहमद अल शारा को हिजबुल्ला के खिलाफ माना जाता है। वहीं पहले के राष्ट्रपति बशर अल असद को हिजबुल्ला समर्थक माना जाता था।  

यात्रियों के लिए बड़ी खबर: त्रिभुवन हवाई अड्डा फिर से संचालन में, नेपाल में हालात सामान्य

वीरगंज (नेपाल) नेपाल में आंदोलन के कारण बंद पड़ा काठमांडू का त्रिभुवन अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा गुरुवार की सुबह से पुनः संचालन में आ गया है। लगभग 24 घंटे के बाद उड़ानों की शुरुआत होने से यात्रियों को बड़ी राहत मिली है। जानकारी के अनुसार, सामान्य परिस्थितियों में त्रिभुवन अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे से प्रतिदिन लगभग 300 उड़ानों का संचालन होता है, जिसमें 200 घरेलू और 100 अंतर्राष्ट्रीय उड़ानें शामिल हैं। प्रतिदिन 14-16 हजार यात्री घरेलू और 12-14 हजार यात्री अंतरराष्ट्रीय यात्रा करते हैं। हवाई अड्डा बंद होने के कारण हजारों यात्री विभिन्न गंतव्यों पर फंसे रहे। हवाई अड्डे के महाप्रबंधक हंसराज पांडे ने बताया कि संचालन शुरू होने के साथ ही पहले चरण में नेपाल एयरलाइंस कार्पोरेशन और हिमालय एयरलाइंस की चार उड़ानें रवाना हुईं। इसके बाद धीरे-धीरे अन्य सेवाएं भी बहाल की जा रही हैं। नेपाल नागरिक उड्डयन प्राधिकरण (सीएएएन) के महानिदेशक प्रदीप अधिकारी ने बताया कि यात्रियों की परेशानी और शिकायतों को देखते हुए सुरक्षा समिति के साथ बैठक के बाद परिचालन की अनुमति दी गई। सीएएएन ने अपने अधिकार क्षेत्र में आने वाले सभी हवाई अड्डों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं। साथ ही एयरलाइंस और ट्रैवल एजेंसियों को निर्देश दिया गया है कि टिकट जांच और सुरक्षा प्रक्रिया पूरी करने के बाद ही यात्रियों को यात्रा की अनुमति दी जाए। इस बीच, घरेलू एयरलाइंस बुद्धा, यति और श्री एयरलाइंस ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफार्म के जरिए यात्रियों से हवाई अड्डे पर पहुंचने का आग्रह किया है। गुरुवार सुबह से उड़ानों का संचालन सामान्य रूप से शुरू हो गया है।

एआई की जांच में सामने आई यूपी मतदाता सूची की त्रुटियां, डुप्लीकेट वोटर्स का सत्यापन तेज

ज्ञानपुर  चुनाव आयोग के स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (एसआइआर) के विरोध चल ही रहा है कि यूपी में भी मतदाता सूची में तमाम गड़बड़ियां सामने आने लगी है। राज्य निर्वाचन आयोग ने पंचस्थानीय मतदाता सूची की आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस (एआइ) से जांच कराई तो प्रदेश के हर जिले में डुप्लीकेट मतदाताओं के नाम सामने आए। भदोही जिले में 10.93 लाख मतदाताओं में से 2.34 लाख मतदाता ऐसे मिले हैं जिनका मतदाता सूची में एक ही नाम दो स्थानों पर है। इन मतदाताओं का 29 सितंबर तक सत्यापन होना है। इसके लिए 701 बूथ लेबल आफिसर (बीएलओ) गांव-गांव वहां की मतदाता सूची से मतदाताओं का सत्यापन कर रहे हैं।   निर्वाचन आयोग ने इस कार्यक्रम को संशोधन, विलोपन और परिवर्धन का नाम दिया है। डुप्लीकेट मतदाता का नाम एक स्थान से कटेगा वहीं नाम में कोई गलती है तो वह संशोधन होगा। जबकि मृतक, शादी शुदा लड़कियों का नाम विलोपन यानि काटा जाएगा। जबकि एक जनवरी 2025 को 18 साल आयु पूर्ण करने वालों का नाम सूची में जोड़ा जाएगा। 2026 में होने वाले पंचायत चुनाव को निष्पक्ष के लिए राज्य निर्वाचन आयोग ने मतदाता सूची पुनरीक्षण का कार्य शुरू कर दिया है। आयोग ने एआइ की जांच में भदोही जिले के दो लाख 34 हजार 333 ऐसे मतदाताओं को पकड़ा है जिनके नाम दो स्थानों पर है। वर्तमान में जिले की 546 ग्राम पंचायतों में 10.93 लाख मतदाता हैं।   सत्यापन के दौरान एआइ की सूची ठीक निकली तो यह नाम कट जाएंगे। राज्य निर्वाचन आयोग की सूची के मुताबिक औराई में सबसे अधिक 58452 और अभोली में सबसे कम 18781 डुप्लीकेट मतदाता हैं। जिले की 546 ग्राम पंचायतों में ग्राम प्रधान का अगले वर्ष चुनाव होना है। इसमें जिला पंचायत के 26 जिला पंचायत सदस्य, छह ब्लाकों के 835 क्षेत्र पंचायत सदस्य और नौ हजार ग्राम पंचायत सदस्य हैं। बोले अध‍िकारी राज्य निर्वाचन आयोग से जिलों को भेजी गई सूची में दो लाख 34 हजार 333 डुप्लीकेट मतदाता मिले हैं। इनका बीएलओ के माध्यम से सत्यापन कराया कराया जा रहा है। सूची गलत मिली तो दो जगह से एक नाम हटाया जाएगा। – डीएस शुक्ल, उप निर्वाचन अधिकारी, पंचस्थानीय।   

फ्लोरिडा में ट्रंप अटैक केस: आरोपी ने लिया फैसला, खुद लड़ेगा मुकदमा

नई दिल्ली राष्ट्रपति चुनाव के दूसरे टर्म के लिए प्रचार के दौरान डोनाल्ड ट्रंप पर हुए जानलेवा हमले के आरोपी के खिलाफ अमेरिकी डिस्ट्रिक्ट कोर्ट में सुनवाई गुरुवार से शुरू हो गई। ट्रंप पर ये हमला दक्षिण फ्लोरिडा में गोल्फ खेलने के दौरान हुआ था। आरोपित रेयान रूथ ने अमेरिकी डिस्ट्रिक्ट जज एलीन कैनन के सामने खुद ही अपनी बात रखने का फैसला किया, जिसके बाद अदालत ने नियुक्त किए वकीलों को हटाने की अनुमति दे दी। हालांकि, वे अदालत कक्ष में मौजूद रहेंगे और अगर रूथ को किसी तरह की मदद की जरूरत होगी तो वे सहायता देंगे। रूथ ने अपने ऊपर लगे आरोपों को किया खारिज रूथ ने अपने ऊपर लगे आरोपों को खारिज किया है, जिसमें हथियार कानून का उल्लंघन करके राष्ट्रपति पद के बड़े उम्मीदवार और एक संघीय अधिकारी पर हत्या के इरादे से हमला करने की बात कही गई है। सरकारी वकीलों ने क्या लगाया आरोप? सरकारी वकीलों ने आरोप लगाया कि 59 साल के रूथ ने 15 सितंबर 2024 को घात लगाकर ट्रंप की हत्या करने की कोशिश की थी। ट्रंप अपने वेस्ट पाम बीच कंट्री क्लब में गोल्फ खेल रहे थे। उन दिनों वह राष्ट्रपति चुनाव के उम्मीदवार के तौर पर अपना प्रचार भी कर रहे थे। उस हमले से नौ हफ्ते पहले भी ट्रंप पर पेन्सिलवानिया राज्य में कातिलाना हमला हुआ था। उस दौरान बंदूकधारी ने ट्रंप पर आठ राउंड फायर किए थे, जिसमें एक गोली ट्रंप के कानों को छूकर निकल गई थी।

प्रधानमंत्री का दौरा टला, आपदाग्रस्त जिलों पर निगाह बनाए रखी उच्च स्तरीय बैठक

देहरादून प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी भारतीय वायु सेना के विशेष विमान से जौलीग्रांट एयरपोर्ट पहुंचे। एयरपोर्ट पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रधानमंत्री का स्वागत किया। मौसम अनुकूल न होने के कारण प्रधानमंत्री मोदी का आपदा प्रभावित धराली क्षेत्र के हवाई सर्वेक्षण का कार्यक्रम टल गया। प्रधानमंत्री अभी जोलीग्रांट एयरपोर्ट स्थित गेस्ट हाउस में उच्च स्तरीय बैठक ले रहे हैं। इसके बाद वह राज्य के विभिन्न क्षेत्रों से आए आपदा प्रभावितों और राहत व बचाव में लगी टीमों के सदस्यों से मुलाकात करेंगे। प्रधानमंत्री का जनपद चमोली के प्रभावित क्षेत्र का हवाई दौरा फिलहाल मौसम खराब होने से स्थगित हो गया है। यह जानकारी पुलिस चौकी प्रभारी मानवेन्द्र गुसाईं द्वारा दी गई है। वहीं एयरपोर्ट जा रहे महिला कांग्रेस अध्यक्ष ज्योति रौतेला समेत कार्यकर्ताओं को पुलिस ने रायपुर स्थित महाराणा प्रताप कॉलेज चौक पर रोक लिया।

भ्रष्टाचार पर CBI का वार, EPFO अधिकारी को रिश्वत लेते पकड़ा गया

नई दिल्ली केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) के क्षेत्रीय अधिकारी को रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान जगदीश तांबे के रूप में हुई, जो पश्चिमी दिल्ली में ईपीएफओ के क्षेत्रीय आयुक्त के पद पर थे। सीबीआई ने जानकारी दी कि क्षेत्रीय आयुक्त जगदीश तांबे को शिकायतकर्ता से 1.50 लाख रुपए की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया गया। प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, सीबीआई ने 9 सितंबर को आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया। क्षेत्रीय भविष्य निधि आयुक्त ने एक व्यक्ति के खिलाफ आरडीए कार्यवाही को अनुकूल तरीके से निपटाने के लिए 3 लाख रुपए की अवैध रिश्वत की मांगी थी। बातचीत के बाद आरोपी अधिकारी ने शिकायतकर्ता से डेढ़ लाख रुपए की रिश्वत लेने पर सहमति व्यक्त की। इसी बीच, व्यक्ति ने सीबीआई को मामले की जानकारी दी। सीबीआई ने बुधवार को जाल बिछाया और आरोपी क्षेत्रीय आयुक्त को शिकायतकर्ता से 1.5 लाख रुपए की रिश्वत मांगते और स्वीकार करते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया।फिलहाल, सीबीआई इस मामले में आगे की कार्रवाई में जुटी हुई है। इस प्रेस विज्ञप्ति में यह भी कहा गया है कि केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) की भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ की गई सख्त कार्रवाई भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने के प्रति उसकी दृढ़ प्रतिबद्धता को दर्शाती है। इसके साथ ही, लोगों से अपील की गई है कि जिन नागरिकों को भ्रष्टाचार के मामले देखने को मिलते हैं या जिनसे अधिकारी रिश्वत मांगते हैं, वे सीबीआई दफ्तर पहुंचकर या मोबाइल नंबर (9650394847) पर सूचना दे सकते हैं। इससे पहले, सीबीआई ने राष्ट्रीय राजधानी में दिल्ली पुलिस के एक हेड कांस्टेबल को शिकायतकर्ता से एक लाख रुपए की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया। सीबीआई ने 25 अगस्त को दिल्ली के अशोक विहार थाने में तैनात हेड कांस्टेबल और एक अन्य अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज किया था। आरोप था कि सब-इंस्पेक्टर (एसआई) और आरोपी हेड कांस्टेबल ने शिकायतकर्ता के खिलाफ एफआईआर दर्ज न करने के लिए उससे 3 लाख रुपए की मांग की थी। बातचीत के बाद आरोपी हेड कांस्टेबल ने शिकायत को बंद करने के लिए शिकायतकर्ता से 2 लाख रुपए की रिश्वत लेने पर सहमति जताई। आरोपी हेड कांस्टेबल ने शिकायतकर्ता को 25 अगस्त को ही 1 लाख रुपए का आंशिक भुगतान करने का निर्देश दिया। इसके बाद सीबीआई ने जाल बिछाया और आरोपी हेड कांस्टेबल को रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया।