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स्थानीय भाषाओं के संरक्षण के लिए सांस्कृतिक आयोजन महत्वपूर्ण- उप मुख्यमंत्री शुक्ल

विन्ध्य बघेली महोत्सव के आयोजन की सराहना की भोपाल  उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा कि विकास के साथ-साथ सांस्कृतिक आयोजन आवश्यक है। इन आयोजनों से हमें अपनी लोकभाषा से परिचित होने का सौभाग्य मिलता है। हमारी बघेली भाषा में जो ममत्व है वह अन्य भाषा में नही। जो व्यक्ति जमीन से जुड़ा होगा उसे अपनी भाषा से ममत्व अवश्य होगा। भाषा में संस्कृति परंपराओं का समावेश होता है। स्थानीय भाषाओं के संरक्षण के लिए सांस्कृतिक आयोजन महत्वपूर्ण हैं। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल कृष्णा राजकपूर आडिटोरियम रीवा में विन्ध्य बघेली ममत्व महोत्सव में शामिल हुए। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि बघेली को बचाकर रखना होगा और आने वाली पीढ़ी में इसे फैलाना भी होगा। इस प्रकार के आयोजन लोक कलाकारों को मंच प्रदान करते हैं। हमारे यहां प्रतिभाओं की कमी नहीं है। जरूरत है कि कलाकारों को नृत्य, संगीत व नाटक आदि प्रस्तुत करने के लिए मंच प्राप्त हो। उप मुख्यमंत्री ने विन्ध्य बघेली महोत्सव के आयोजन की प्रशंसा की और आयोजकों को बधाई दी। विधायक मनगवां इंजी. नरेन्द्र प्रजापति सहित बड़ी संख्या में स्थानीय जन व कलाकार उपस्थित रहे।  

अटल प्रतिमा से लेकर आईटीआई तक – चंबल अंचल के सर्वांगीण विकास का रोडमैप तैयार

मुख्यमंत्री ने अंबाह में 21 फीट ऊँची अटल प्रतिमा का किया अनावरण अंबाह-दिमनी विधानसभा क्षेत्र को दी विकास कार्यों की सौगातें दिमनी विधानसभा क्षेत्र में आईटीआई खोलने की घोषणा भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि भारत रत्न स्व. श्री अटल बिहारी वाजपेयी की 21 फीट ऊँची भव्य प्रतिमा का अनावरण सौभाग्य का क्षण है। “अटल स्मृति संघ, अंबाह की पुण्य भूमि पर आज एक स्वर्णिम अध्याय की शुरुआत हुई है।” मुख्यमंत्री डॉ. यादव रविवार को मुरैना जिले के अंबाह में 31 लाख रुपये की लागत से निर्मित प्रतिमा के अनावरण कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि अटल जी की यह प्रतिमा जयश्वर महादेव पार्क में स्थापित की गई है, जहाँ 25 लाख की लागत से जिम और 40 लाख की लागत से लाइटिंग एवं प्लेटफॉर्म का निर्माण कराया गया है। यह प्रतिमा लगभग 200 करोड़ मूल्य की शासकीय भूमि पर स्थापित की गई है। उन्होंने कहा कि अटल जी के नेतृत्व में गांव-गांव तक सड़कों का जाल बिछाया गया। वर्ष 1956 से 2003 तक प्रदेश में केवल 5 मेडिकल कॉलेज थे, जबकि पिछले डेढ़ वर्षों में प्रदेश में 5 नए मेडिकल कॉलेज खोले गए हैं।    शिक्षा के क्षेत्र में सांदीपनि विद्यालयों की स्थापना विकासखंड स्तर पर की जा रही है। इसके अतिरिक्त आईटीआई संस्थान भी खोले जा रहे हैं, जिससे छात्र-छात्राएं पढ़-लिखकर अपने ही जिले में रोजगार प्राप्त कर सकें। इसी क्रम में 500 करोड़ की लागत से ग्राम पिपरसेवा में उद्योग स्थापना हेतु भूमिपूजन किया गया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में सिंचाई के क्षेत्र में भी बड़ी उपलब्धि हासिल की गई है। अब तक सिंचित रकबा 44 लाख हेक्टेयर तक बढ़ाया जा चुका है और पिछले सवा साल में 7.5 लाख हेक्टेयर भूमि अतिरिक्त सिंचित की गई है। सरकार का संकल्प है कि वर्ष 2028 तक प्रदेश में 100 लाख हेक्टेयर भूमि सिंचित की जाए। उन्होंने कहा कि मुरैना बदलते समय के साथ नवीन स्वरूप में दिखाई देगा। विधानसभा अध्यक्ष श्री नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा कि शिक्षा, स्वास्थ्य एवं रोजगार के क्षेत्र में राज्य सरकार पूर्णतः प्रतिबद्ध है। सरकार का लक्ष्य है कि युवाओं को पढ़ाई के बाद अपने ही क्षेत्र में रोजगार उपलब्ध हो। इसी उद्देश्य से रजौधा में सांदीपनि विद्यालय का लोकार्पण, कॉलेज का भूमिपूजन और पिपरसेवा में उद्योग स्थापना जैसे ऐतिहासिक कार्य किए गए हैं। उन्होंने कहा कि अंबाह एवं गोठ क्षेत्र में भी सांदीपनि विद्यालय शीघ्र ही पूर्ण होंगे। बच्चों को श्रेष्ठ शिक्षा मिले, इसके लिए वे पूरी लगन से अध्ययन करें। विकास कार्यों की सौगात और घोषणाएं मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अंबाह के विकास हेतु 96 लाख की लागत से विभिन्न विकास कार्यों की सौगात दी। उन्होंने 1 करोड़ 30 लाख की लागत से फायर ब्रिगेड की स्थापना, 33 करोड़ की लागत से भारत सरकार द्वारा निर्मित नाले के कार्य को तीव्र गति देने तथा एसबीएम योजना के अंतर्गत नगर पालिका क्षेत्र में दूषित जल को नदियों में जाने से रोकने के लिए योजनाबद्ध कार्य योजना बनाने की घोषणा की। 143 करोड़ की लागत से 30.20 किमी लंबी दिमनी नहर मार्ग पर सड़क निर्माण, 52 करोड़ की लागत से 15.50 किमी लंबी बड़ागांव से सिहोनिया तक की सड़क (जिससे 20 गांव लाभान्वित होंगे) तथा एनएच 52 नहर पर 30 किमी लंबी सड़क (पाय का पुरा से किर्रायच तक) निर्माण की भी घोषणा की। मुख्यमंत्री ने दिमनी में एक नवीन आईटीआई संस्थान खोलने, सी.आर.एफ. मद से जींगनी-सुरजनपुर नहर से मानपुर चौराहा तक और मिरधान से बाराहेट तक सड़क निर्माण की घोषणा भी की। इस अवसर पर नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री श्री राकेश शुक्ला , सांसद श्री शिवमंगल सिंह तोमर, महापौर श्रीमती शारदा सोलंकी, सबलगढ़ विधायक श्रीमती सरला रावत, अंबाह विधायक श्री देवेंद्र सखवार, पूर्व मंत्री श्री मुंशीलाल, पूर्व विधायक श्री सूबेदार सिंह रजौधा, जनपद अध्यक्ष सुश्री मधुरिमा तोमर, नगर पालिका अध्यक्ष श्रीमती अंजली जिनेश जैन, समाजसेवी श्री कमलेश कुशवाह सहित नागरिक एवं बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित रहे।    

महिलाओं-बेटियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता, एंटी रोमियो स्क्वॉड की गतिविधियाँ और सक्रिय हों: मुख्यमंत्री

बोले मुख्यमंत्री, शिकायतकर्ता की संतुष्टि और उसका फीडबैक ही अधिकारियों के प्रदर्शन का वास्तविक पैमाना होगा शारदीय नवरात्र में प्रारंभ होगा ‘मिशन शक्ति’ का नया चरण, जिलों को अभी से व्यापक तैयारी के निर्देश बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्य प्रभावी बनाए जाएं, जनप्रतिनिधियों का मार्गदर्शन अवश्य लिया जाए: मुख्यमंत्री बरसात व डेंगू के प्रकोप से निपटने को नगर निकाय जलभराव निकासी व सफाई पर दें विशेष ध्यान नकली-अधोमानक दवाओं की बिक्री पर शून्य सहिष्णुता, सतत चौकसी और कड़ी मॉनीटरिंग के निर्देश खरीफ सीजन में खाद की कमी नहीं होनी चाहिए, कालाबाजारी-जमाखोरी पर कठोरतम कार्रवाई होगी: मुख्यमंत्री मुख्यमंत्री ने की प्रदेश की कानून-व्यवस्था, आगामी त्यौहारों की तैयारियों, बाढ़ की स्थिति, डेंगू की रोकथाम एवं स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों की समीक्षा यूपीएसएसएससी की पीईटी आयोजन की तैयारियों की मुख्यमंत्री ने की समीक्षा, जिलाधिकारियों से कहा, परीक्षा की शुचिता और पारदर्शिता हर हाल में हो सुनिश्चित पीईटी- 2025 को लेकर नकारात्मकता फैलाने वालों के साथ पूरी कठोरता से निपटे पुलिस: मुख्यमंत्री 06 और 07 सितम्बर को 48 जिलों में प्रस्तावित है पीईटी, 25.31 लाख युवाओं ने कराया है पंजीयन आईजीआरएस आवेदनों/शिकायतों के यथोचित निस्तारण के आधार पर जनपदों की स्थिति की रैंकिंग भी जारी लखनऊ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि जन शिकायतों और समस्याओं के समाधान में लापरवाही किसी भी दशा में अक्षम्य है। उन्होंने कहा है कि आईजीआरएस और सीएम हेल्पलाइन के माध्यम पर प्राप्त हो रही प्रत्येक जन शिकायत और समस्या का शिकायतकर्ता की दृष्टि से संतुष्टिपरक समाधान होना ही चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा है कि सरकार जनता के प्रति जवाबदेह है, जनहित सर्वोपरि है। शिकायतकर्ता की संतुष्टि और उसका फीडबैक ही अधिकारियों के प्रदर्शन का वास्तविक पैमाना होगा।  मुख्यमंत्री, रविवार देर रात प्रदेश की कानून-व्यवस्था, आईजीआरएस, सीएम हेल्पलाइन, आगामी त्यौहारों की तैयारियों, बाढ़ की स्थिति, डेंगू नियंत्रण और स्वास्थ्य सेवाओं जैसे विषयों पर सभी मंडलायुक्तों, जिलाधिकारियों, पुलिस कप्तानों तथा वरिष्ठ प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा बैठक कर रहे थे। उन्होंने महिलाओं और बेटियों की सुरक्षा को सरकार की शीर्ष प्राथमिकता बताते हुए निर्देश दिए कि सभी जिलों में एंटी रोमियो स्क्वॉड की गतिविधियाँ और सक्रिय की जाएं। मुख्यमंत्री ने कहा कि आगामी नवरात्र में ‘मिशन शक्ति’ का नया चरण प्रारंभ होगा, जिसके लिए सभी जिलों को अभी से व्यापक तैयारियां कर लेनी चाहिए। बैठक में मुख्यमंत्री ने आईजीआरएस और सीएम हेल्पलाइन पर प्राप्त जन शिकायतों की मंडलवार, जनपदवार, तहसीलवार, ज़ोनवार, रेंजवार, जिला पुलिस और थाना स्तर पर रैंकिंग जारी की। संबंधित जिलाधिकारियों और पुलिस अधिकारियों को निर्देशित करते हुए उन्होंने कहा कि हर पीड़ित की भावना का सम्मान करते हुए पूरी संवेदनशीलता के साथ समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि मिथ्या अथवा भ्रामक रिपोर्ट लगाने वाले अधिकारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई अनिवार्य रूप से होगी। मुख्यमंत्री ने हाल के पर्व-त्योहारों के सकुशल सम्पन्न होने पर प्रसन्नता व्यक्त की और आगामी बरावफ़ात, अनंत चतुर्दशी व विश्वकर्मा पूजा के दृष्टिगत पुलिस-प्रशासन को पहले से अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए। बाढ़ और अतिवृष्टि से प्रभावित जनपदों की समीक्षा करते हुए उन्होंने कहा कि राहत कार्यों को और प्रभावी बनाया जाए तथा इनमें जनप्रतिनिधियों का मार्गदर्शन अवश्य लिया जाए। बरसात के मौसम में बीमारियों की आशंका को देखते हुए उन्होंने नगर निकायों को जलभराव की तत्काल निकासी व सफाई व्यवस्था सुदृढ़ करने का निर्देश दिया। उन्होंने मुख्यमंत्री जन आरोग्य मेलों का सतत आयोजन करने और सर्पदंश के उपचार हेतु सभी स्वास्थ्य केंद्रों पर दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा। नकली या अधोमानक दवाओं की बिक्री पर गंभीर चिंता जताते हुए मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि प्रदेश में ऐसी एक भी गतिविधि बर्दाश्त नहीं होगी। प्रशासन को सतत चौकसी और कड़ी मॉनीटरिंग करने के निर्देश दिए गए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने खरीफ सीजन के लिए खाद की उपलब्धता पर विशेष ध्यान देने को कहा। उन्होंने निर्देश दिए कि प्रदेश के किसी भी किसान को खाद की कमी न हो, आपूर्ति शृंखला की सघन निगरानी की जाए और कालाबाजारी या जमाखोरी पर कठोरतम कार्रवाई की जाए। बैठक में उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग द्वारा 06 और 07 सितम्बर को प्रस्तावित प्रारंभिक अर्हता परीक्षा (पीईटी) की तैयारियों पर भी विस्तार से चर्चा हुई। मुख्यमंत्री को बताया गया कि परीक्षा 48 जिलों में बनाए गए 1479 केंद्रों पर आयोजित होगी, जिसमें 25.31 लाख से अधिक अभ्यर्थी शामिल होंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि परीक्षा की शुचिता और पारदर्शिता सर्वोच्च प्राथमिकता है, इसे हर हाल में सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि प्रश्न पत्रों की गोपनीयता, सेक्टर मजिस्ट्रेटों की तैनाती, लाइव सीसीटीवी कंट्रोल रूम, नगर यातायात व्यवस्था और बारिश के मौसम में परीक्षार्थियों की सुविधा हेतु विशेष प्रबंधन सुनिश्चित किए जाएं। मुख्यमंत्री ने कहा कि परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की अफवाह या भ्रामक सूचना फैलाने वालों पर कठोर कार्रवाई की जाएगी। जिला प्रशासन परीक्षा आयोजन संस्था के साथ समन्वय कर अभ्यर्थियों को हरसंभव सुविधा उपलब्ध कराए।

पशु चिकित्सा शिविर में मवेशियों का लम्फी रोग से बचाव, हुआ मुफ्त टीकाकरण

रायपुर, पशु चिकित्सा विभाग द्वारा पशु चिकित्सा शिविर का आयोजन कर पशुधन को लम्फी बीमारी से बचाव हेतु टीकाकरण किया गया। शिविर में पशुओं का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया और  एवं 120 लम्फी बीमारी से बचाव हेतु टीकाकरण किया गया।  इसके साथ ही 30 पशुओं को कृमिनाशक दवापान, एक पशु में कृत्रिम गर्भाधान तथा 11 पशुओं हेतु औषधि वितरण किया गया।           कलेक्टर बलौदाबाजार-भाटापारा के निर्देशानुसार उप संचालक पशु चिकित्सा सेवायें के मार्गदर्शन में विकासखंड बलौदाबाजार के ग्राम सरखोर के गौठान में पशुओं हेतु शिविर आयोजन किया गया। शिविर में मोबाईल वेटेरिनरी यूनिट से डॉ. नेहा यादव, श्री जानू जांगडे एवं पशु चिकित्सालय-अहिल्दा से डॉ. संतोष पुरेना, श्री हेमंत विश्वकर्मा ने पशुओं का स्वास्थ्य जांच किया गया। उप संचालक पशु चिकित्सा सेवाएं ने बताया कि पशु चिकित्सालय अहिल्दा की टीम के द्वारा विगत दिनों ग्राम सरखोर के गौठान में रखे गये पशुओं का स्वास्थ्य जांच नियमित रूप से किया जा रहा है।गौठान में लगभग 160 पशु रखा जा रहा है, जिसके लिये ग्राम पंचायत द्वारा 04 पशु चरवाहा रखे गये हैं। चरवाहे  द्वारा प्रतिदिन पशुओ को 5-6 घंटा चराया जाता है।        गौठान में चारा-पानी की व्यवस्था भी पंचायत द्वारा की गई है। इसके साथ ही तहसीलदार लवन ने भी गोठान का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने सरपंच एवं चरवाहों से पूछताछ कर आवश्यक व्यवस्था गौठान में रखे जाने वाले मवेशियों के लिए चारे-पानी की व्यवस्था करने निर्देशित किया गया। पशु चिकित्सा शिविर में सरपंच के साथ-साथ पशु चिकित्सा विभाग द्वारा पशु चिकित्सकों और ग्राम के पशु चरवाहो का भी विशेष सहयोग रहा।

भारत धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक समरसता का देश – मंत्री विजयवर्गीय

सभी वर्गों के कल्याण के लिए प्रदेश में किए जा रहे विकास कार्य: मंत्री श्री चौहान आगर मालवा में हुआ महाराणा प्रताप एवं डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा का अनावरण भोपाल  नगरीय विकास एवं आवास मंत्री श्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि भारत धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक समरसता का देश है। यहाँ जन्म लेना सौभाग्य है। मंत्री श्री विजयवर्गीय ने ऋषि-मुनियों की महान परम्परा का उल्लेख करते हुए उज्जैन को प्राचीनकाल से कालगणना का केंद्र बताया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश नई ऊंचाइयों को छू रहा है और वर्ष-2047 तक भारत शांति व प्रेम का संदेश देकर विश्व में नंबर-वन बनेगा। मंत्री श्री विजयवर्गीय ने स्वदेशी सामग्री के महत्व पर जोर देते हुए लोगों से इसका उपयोग करने का आग्रह किया। अनुसूचित जाति कल्याण मंत्री श्री नागर सिंह चौहान ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में समाज के अंतिम छोर के व्यक्ति के कल्याण के लिए योजनाएं संचालित हो रही हैं। मंत्री श्री चौहान ने कहा कि महाराणा प्रताप और डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमाओं का अनावरण कर आगर नगर को समर्पित किया है। उन्होंने कहा कि आगर मालवा के सर्वांगीण विकास के लिए स्वास्थ्य, शिक्षा और अन्य क्षेत्रों में विकास कार्य किए जाएँगे। आगर मालवा में रविवार को मंत्री द्वय श्री कैलाश विजयवर्गीय एवं श्री नागर सिंह चौहान ने विजय स्तंभ चौराहा पर 66 लाख रुपये की लागत से निर्मित विजय द्वार और महाराणा प्रताप की प्रतिमा का लोकार्पण किया। साथ ही नेहरू स्मृति वन में 14 लाख रुपये की लागत से निर्मित डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा का अनावरण भी किया। कार्यक्रम में विभिन्न जनप्रतिनिधि,कलेक्टर श्री राघवेंद्र सिंह, पुलिस अधीक्षक श्री विनोद कुमार सिंह सहित बड़ी संख्या में नगरवासी उपस्थित थे।

विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह और राष्ट्रीय चेयरमैन प्रदीप मित्तल ने किया 27 हस्तियों का सम्मान

रायपुर   सागर टीएमटी के सौजन्य से आयोजित नवम अग्र अलंकरण समारोह का आयोजन गरिमामय वातावरण में किया गया. यह प्रतिष्ठित समारोह हर वर्ष समाज के प्रख्यात व्यक्तित्वों को उनके उत्कृष्ट कार्यों के लिए सम्मानित करने के लिए आयोजित किया जाता है. संयोजिका अनीता अशोक अग्रवाल एवं हेमलता बंसल ने बताया कि इस आयोजन में 65 परिवारों ने सहभागिता की थी. कार्यक्रम के प्रथम सत्र में मुख्य अतिथि प्रदीप मित्तल राष्ट्रीय चेयरमैन और प्रांतीय अध्यक्ष डॉ. अशोक अग्रवाल ने महाराजा अग्रसेन के तेल क्षेत्र पर पुष्पांजलि अर्पित की. सप्त ऋषियों की कथा के साथ शाम 4 बजे इस कार्यक्रम का समापन भोजन भंडारे के साथ संपन्न हुआ. कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में डॉ. रमन सिंह (विधानसभा अध्यक्ष, छत्तीसगढ़ शासन) ने कार्यक्रम के मुख्य अतिथि की आसंदी से अपने उद्गार व्यक्त करते हुए कहा कि, देश के आर्थिक विकास में, अर्थव्यवस्था में विश्व में चौथे स्थान पर, अगर भारत का स्थान है, तो उसमें अग्रवाल समाज का महत्वपूर्ण योगदान है. समाज ने अपनी प्रतिभाओं का सम्मान कर इस कदम को और आगे बढ़ाया है. राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रदीप मित्तल ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि, अग्रवाल समाज सदैव से सर्वहारा वर्ग के लिए कार्य करते आया है, स्कूल, कॉलेज, हॉस्पिटल, सेवा के जितने भी प्रकल्प हैं वे सभी सर्वहारा वर्ग की सुविधाओं के लिए हैं, सेवा की अलख जगाने वाला हमारा समाज है. कार्यक्रम में विशेष अतिथि के रूप में गौरीशंकर अग्रवाल (पूर्व विधानसभा अध्यक्ष), संपत अग्रवाल (विधायक, बसना विधानसभा क्षेत्र), सियाराम अग्रवाल (राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष, प्रांतीय अध्यक्ष, डॉ. अशोक अग्रवाल, साथ ही राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर के कई गणमान्य अतिथि भी इस समारोह में उपस्थित रहे, महेन्द्र सक्सरिया (संरक्षक) अशोक मोदी (राज्य चेयरमैन) नेतराम अग्रवाल (संरक्षक) राजेन्द्र अग्रवाल, प्रांतीय कार्यकारी अध्यक्ष उपस्थित रहे. दीप प्रज्वलन के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ. यह समारोह लगातार 9वें वर्ष सफलतापूर्वक आयोजित किया गया. अग्र अलंकरण का विशेष उद्देश्य महाराजा अग्रसेन जी के 18 गोत्रों की गौरवशाली परंपरा को स्मरण कर समाज के 18 श्रेष्ठ विभूतियों को प्रत्येक वर्ष सम्मानित करना है. इस वर्ष भी कुल 27 विशिष्ट व्यक्तित्वों को उनके सामाजिक, शैक्षणिक, व्यावसायिक, साहित्यिक, खेल, प्रशासनिक (IAS, IPS, CA, CS आदि) एवं परोपकारी कार्यों के लिए अलंकृत किया गया. प्रत्येक पुरस्कार किसी न किसी समाजसेवी परिवार द्वारा अपने परिजनों की स्मृति में प्रायोजित किया गया. पुरस्कार स्वरूप सभी सम्मानित विभूतियों को अग्रसेन माला, प्रशस्ति पत्र, स्मृति चिह्न और 11,000 रुपए की सम्मान राशि भेंट की गई. प्रमुख अलंकरण अग्र दीप सम्मान अग्र गौरव सम्मान, अग्र शिरोमणि सम्मान, अग्र दानी सम्मान, अग्र मित्र सम्मान, अग्र भूषण सम्मान, अग्र सम्मान, अग्र धनवंतरी सम्मान समेत अनेक अन्य अलंकरण दिया गया. इनमें पराक्रम, समाजसेवा, व्यापार, शिक्षा, खेलकूद और विशेष उपलब्धियों के लिए पुरस्कृत किया गया. मुख्य अतिथि के रूप से डॉ. रमन हुए शामिल मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि, “महाराजा अग्रसेन की परंपरा हमें समाज में समानता, सहयोग और सेवा की प्रेरणा देती है. आज यहां सम्मानित विभूतियां केवल अग्रवाल समाज ही नहीं बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ और भारतवर्ष का गौरव हैं.” पूर्व विधानसभा अध्यक्ष गौरीशंकर अग्रवाल ने कहा कि, “अग्र अलंकरण समारोह समाज की जड़ों को मजबूत करने वाला एक प्रयास है. यह कार्यक्रम युवा पीढ़ी को प्रेरणा देने वाला है. राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रदीप मित्तल ने कहा, “अखिल भारतीय अग्रवाल संगठन को गर्व है कि छत्तीसगढ़ की धरा पर इतना भव्य आयोजन लगातार नौ वर्षों से सफलतापूर्वक हो रहा है. यह पूरे देश के लिए एक आदर्श है.” डॉ. अशोक अग्रवाल (राज्य अध्यक्ष, छ.ग. प्रांतीय अग्रवाल संगठन) ने कहा कि “यह अलंकरण केवल एक सम्मान नहीं बल्कि समाज की सामूहिक चेतना और संस्कृति की पहचान है.” रायपुर जिला अग्रवाल संगठन एवं रायपुर जिला महिला अग्रवाल संगठन के आतिथ्य में यह पूरा कार्यक्रम संपन्न हुआ अग्र अलंकरण की संयोजिका डॉक्टर अनीता मोहनलाल अग्रवाल, सहसंयोजक पंकज अग्रवाल डॉक्टर निर्मल अग्रवाल ने पूरे आयोजन की रूपरेखा रखी, प्रांतीय महामंत्री संजय अग्रवाल ने मंच संचालन किया. रायपुर जिला अग्रवाल संगठन के अध्यक्ष हरिकेश पालीवाल सचिव गोविंद अग्रवाल, महिला संगठन की अध्यक्ष मती प्रियंका अग्रवाल, संरक्षिका अनीता अग्रवाल, सचिन सारिका खेतान कोषाध्यक्ष संतोष दिनोदिया शाहिद उनकी पूरी टीम ने प्रदेश के दूरस्थ स्थानों सेआए हुए सभी संगठन के पदाधिकारी का अग्रवाल समाज के अध्यक्षों का शानदार स्वागत किया, सभी ने इस आयोजन की भूरि भूरि प्रशंसा की. सभी ने कहा कि अग्र अलंकरण समारोह ने अग्रवाल समाज की गौरवशाली परंपराओं को पुनः जीवंत किया. समारोह का समापन करते हुए आभार प्रदर्शन सुनील अग्रवाल बॉबी ने समाज की एकता एवं प्रगति के संकल्प के साथ किया.

राज्यपाल मंगुभाई पटेल गणेशोत्सव में शामिल हुए

राजभवन मंदिर परिसर में हुआ आयोजन भोपाल  राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल  रविवार को राजभवन में आयोजित गणेशोत्सव कार्यक्रम में शामिल हुए। कार्यक्रम का आयोजन राजभवन परिसर के मंदिर प्रांगण में किया गया है। राज्यपाल श्री पटेल ने मंदिर प्रांगण में स्थापित भगवान श्री गणेश की झांकी का अवलोकन किया और भगवान श्री गणेश की आरती की। प्रदेश के विकास और प्रदेशवासियों की सुख समृद्धि के लिए प्रार्थना की।  

क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर एमपी घूमने आए, दो दिनों तक रहेंगे

खरगोन  क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर रविवार को प्रशंसकों की भीड़ में घिर गए। उनका कार तक पहुंचना भी मुश्किल हो गया। एमपी के खरगोन जिले की तीर्थ नगरी महेश्वर में यह नजारा नजर आया। सचिन तेंदुलकर को यहां देख क्रिकेट के दीवाने लोगों ने उन्हें घेर लिया, उनके साथ फोटो खींचने और सेल्फी लेने की होड़ सी लग गई। ​सचिन ने भी प्रशंसकों के साथ खासा समय बिताया लेकिन बाद में भीड़ के कारण उन्हें अपनी कार तक पहुंचने में भी मशक्कत करनी पड़ी। सचिन तेंदूलकर दोपहर करीब ढाई बजे महेश्वर पहुंचे। यहां उपस्थित टूरिस्ट उन्हें देख उत्साहित हो उठे। ​सचिन के साथ सेल्फी लेने के लिए युवाओं की भीड़ लग गई। उन्होंने कुछ देर तक लोगों के साथ फोटो खिंचवाई। बताया जा रहा है कि सचिन तेंदूलकर महेश्वर सहित आसपास के टूरिस्ट स्थलों पर घूमने के लिए आए हैं। एमपी में उनका दो दिनों तक रहने का प्रोग्राम है। उनके साथ कुछ अन्य परिजन भी हैं। सचिन तेंदूलकर महारानी अहिल्याबाई के महल और किला भी जाएंगे।   सचिन तेंदुलकर महेश्वर के राजबाड़ा पहुंचे। पत्नी डॉ. अंजलि तेंदुलकर और बेटी सारा तेंदुलकर भी उनके साथ थीं। गाड़ी से राजबाड़ा पर उतरते ही प्रशंसकों ने नारे लगाने शुरू कर दिए- आला रे आला सचिन आला, गणपति बप्पा मोरया, भारत का रत्न कैसा हो सचिन जैसा हो… नारों के बीच कार से उतरते ही एसडीओपी श्वेता शुक्ला, होटल अहिल्या फोर्ड के मैनेजर हुसैन अली ने उनका स्वागत किया। प्राप्त जानकारी के अनुसार सचिन रविवार, सोमवार यानि 2 दिनों तक महेश्वर में रुकेंगे। वे यहां नर्मदा आरती एवं भगवान काशी बिश्वनाथ, राजराजेश्वर मंदिर दर्शन के साथ महेश्वर किले का भ्रमण भी करेंगे। देवी अहिल्या क्लब महेश्वर के सदस्यों ने सचिन से मुलाक़ात कर उन्हें क्लब का इतिहास बताया।

फ्लैट खरीदारों का इंतजार खत्म, नोएडा-ग्रेटर नोएडा में रजिस्ट्री का रास्ता साफ

नोएडा-ग्रेटर नोएडा उत्तर प्रदेश के स्टाम्प, कोर्ट फीस और रजिस्ट्रेशन राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) रवींद्र जायसवाल ने कहा है कि नोएडा और ग्रेटर नोएडा में फ्लैट रजिस्ट्री में देरी उनकी विभागीय वजह से नहीं हो रही है, बल्कि इसका कारण बिल्डरों और स्थानीय विकास प्राधिकरणों के बीच "नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट" (NOC) को लेकर चल रहा विवाद है. बकाया और शर्तें पूरी करने के बाद नहीं होगी देरी जायसवाल ने कहा कि जैसे ही बिल्डरों को नोएडा, ग्रेटर नोएडा या यमुना एक्सप्रेस-वे औद्योगिक विकास प्राधिकरण से एनओसी मिल जाती है, रजिस्ट्री विभाग तत्काल कार्रवाई करता है और खरीदारों की संपत्ति का रजिस्ट्रेशन कर देता है. उन्होंने साफ किया कि उनका विभाग पूरी तरह तैयार है और जैसे ही बिल्डर सभी बकाया और शर्तें पूरी करते हैं, रजिस्ट्री में किसी तरह की देरी नहीं की जाएगी. इस वजह से नहीं मिलती NOC मंत्री ने समझाया कि गौतम बुद्ध नगर जिले में तीन स्थानीय विकास प्राधिकरण हैं—नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना प्राधिकरण. ये प्राधिकरण बिल्डरों को भूमि आवंटित करते हैं, किस्तें और अन्य शुल्क वसूलते हैं और प्रोजेक्ट की स्वीकृति देते हैं. लेकिन जब बिल्डर भुगतान में देरी करते हैं या शर्तें पूरी नहीं करते, तब उन्हें एनओसी नहीं मिलती और बिना एनओसी रजिस्ट्री नहीं हो सकती. उन्होंने कहा, "जैसे ही बिल्डर एनओसी लेकर आते हैं, हमारा विभाग उसी समय रजिस्ट्री करता है. इसमें किसी भी तरह की देरी नहीं की जाती." खरीदार अक्सर करते हैं प्रदर्शन नोएडा और ग्रेटर नोएडा में हजारों फ्लैट खरीदार लंबे समय से रजिस्ट्री का इंतजार कर रहे हैं. कई लोगों को अपार्टमेंट का कब्जा मिल चुका है, लेकिन रजिस्ट्री न होने की वजह से वे कानूनी रूप से मालिक नहीं बन पा रहे हैं. इस समस्या के कारण खरीदार अक्सर प्रदर्शन भी करते हैं, खासकर शनिवार-रविवार को जब बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा होते हैं. जमीन की लीज़होल्ड प्रकृति भी खरीदारों के लिए चुनौती बनी हुई है. कई लोग चाहते हैं कि उनकी संपत्ति को फ्रीहोल्ड में बदल दिया जाए ताकि वे भविष्य में भी बिना रुकावट अपनी संपत्ति का लाभ उठा सकें. सरकार की ओर से मंत्री का यह बयान उन हजारों खरीदारों के लिए राहत का संकेत माना जा रहा है, जो सालों से रजिस्ट्री का इंतजार कर रहे हैं. अब खरीदारों की उम्मीद है कि बिल्डर जल्द बकाया चुकाकर एनओसी लेंगे और रजिस्ट्री का रास्ता साफ होगा.

IMD चेतावनी: अगले 14 घंटे में 27 जिलों में भारी से अतिभारी बारिश संभव

भोपाल मध्यप्रदेश में एक बार फिर बारिश का दौर शुरू हो गया है। मौसम विभाग के मुताबिक मानसून ट्रफ के गुजरने के साथ ही साइक्लोनिक सर्कुलेशन एक्टिव होने से प्रदेश का मौसम बिगड़ने वाला है और आने वाले 14 घंटों में 27 जिलों में भारी से अतिभारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। रविवार को मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल भोपाल, शाजापुर, उज्जैन समेत कई जिलों में बारिश हुई है। इन जिलों में भारी से अतिभारी बारिश की चेतावनी मौसम विभाग ने रविवार को अगले 24 घंटों (सोमवार की सुबह 8.30 बजे) तक के लिए जो ताजा बुलेटिन जारी किया है उसमें प्रदेश के 27 जिलों में भारी से अतिभारी बारिश की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग ने मुरैना और श्योपुर जिलों अतिभारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है वहीं रायसेन, सीहोर, राजगढ़, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, बुरहानपुर, खंडवा, खरगोन, बड़वानी, इंदौर, रतलाम, उज्जैन, देवास, शाजापुर, आगर, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, ग्वालियर, भिंड, छिंदवाड़ा, सिवनी, बालाघाट, पांढुर्ना जिलों में भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया है।   मौसम विभाग से मिली जानकारी के अनुसार बीते 24 घंटों में इंदौर संभाग के अधिकांश स्थानों पर बारिश दर्ज की गई है इसके साथ ही नर्मदापुरम, उज्जैन, ग्वालियर, चंबल संभाग के जिलों में अनेक स्थानों पर, भोपाल संभाग के जिलों में कुछ स्थानों पर और रीवा, जबलपुर, शहडोल संभाग के जिलों में कहीं कहीं पर बारिश दर्ज हुई है। 2 सितंबर को बनेगा नया सिस्टम ! मौसम विभाग की मानें तो वर्तमान में मानसून ट्रफ बीकानेर, अजमेर, गुना, दमोह से रायपुर होते हु पूर्व दक्षिण पूर्व की ओर मध्य बंगाल की खाड़ी तक विस्तर है। इसके साथ ही एक ऊपरी हवा का साइक्लोनिक सर्कुलेशन उत्तर पश्चिम मध्यप्रदेश और निकटवर्ती क्षेत्रों में सक्रिय है। एक अन्य चक्रवातीय परिसंचरण राजस्थान के मध्य भागों पर सक्रिय है और 2 सितंबर के आसपास उत्तर पश्चिम बंगाल की खाड़ी पर एक नया निम्न दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है।