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दुबई हमले के बीच फंसे पीवी सिंधू के कोच का बयान, कहा- ‘जान बची, लेकिन खतरा टला नहीं’

दुबई दो बार की ओलंपिक पदक विजेता पीवी सिंधू को ट्रेनिंग देने वाले इंडोनेशियाई कोच इरवांस्याह आदि प्रतामा उस समय बाल-बाल बच गए जब ऑल इंग्लैंड चैंपियनशिप के लिए बर्मिंघम जाते हुए दुबई हवाई अड्डे पर उनके करीब धमाका हुआ। दो बार की ओलंपिक पदक विजेता पीवी सिंधू को ट्रेनिंग देने वाले इंडोनेशियाई कोच इरवांस्याह आदि प्रतामा उस समय बाल-बाल बच गए जब ऑल इंग्लैंड चैंपियनशिप के लिए बर्मिंघम जाते हुए दुबई हवाई अड्डे पर उनके करीब धमाका हुआ। पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के कारण उड़ाने रद्द होने के बाद सिंधू और इरवांस्याह दुबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर फंस गए हैं। टूर्नामेंट मंगलवार से शुरू होना है। ईरान के मिसाइल हमलों के बाद खाड़ी देशों के कुछ हिस्सों में धमाकों की खबरें आई हैं जिसमें संयुक्त अरब अमीरात की राजधानी अबु धाबी और दुबई भी शामिल हैं। इसके बाद दुबई हवाई अड्डे पर सभी उड़ानों को निलंबित कर दिया गया है। इरवांस्याह ने पीटीआई को बताया, ''इस समय दुबई में उड़ानें रद्द हो रही हैं। हवाई अड्डे पर धमाका हुआ है इसलिए हम इस समय यहीं फंसे हुए हैं।'' उन्होंने कहा, ''उन्होंने हमें होटल में रखा है। हम ठीक हैं लेकिन फिर भी थोड़ी चिंता है। हम ऑल इंग्लैंड के लिए जाना चाहते हैं। मुझे उम्मीद है कि हम आज उड़ान ले पाएंगे क्योंकि सिंधू का मैच बुधवार को है।'' सिंधू ने शनिवार रात सोशल मीडिया पर तनावपूर्ण पलों के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने इंस्टाग्राम पर लिखा, ''सिंधू ने 'एक्स' पर लिखा, ''मुश्किल बढ़ती जा रही है और हालात हर घंटे डरावने होते जा रहे हैं। कुछ घंटे पहले हवाई अड्डे पर जहां हम रुके हुए थे उसके पास एक धमाका हुआ।'' सिंधू ने लिखा, ''मेरे कोच को जल्दी से उस जगह से भागना पड़ा क्योंकि वह धुएं और मलबे के सबसे करीब थे। यह हम सभी के लिए बहुत तनावपूर्ण और डरावना पल था।'' भारत के अधिकतर खिलाड़ी पहले ही बर्मिंघम पहुंच चुके हैं। सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी की शीर्ष पुरुष युगल जोड़ी, पुरुष एकल खिलाड़ी लक्ष्य सेन, युवा आयुष शेट्टी, गायत्री गोपीचंद और त्रीसा जॉली की महिला युगल जोड़ी बर्मिंघम पहुंच चुके हैं। मालविका बंसोड़ भी पहुंच गई हैं लेकिन उन्नति हुड्डा अब भी भारत में हैं क्योंकि नयी दिल्ली से बर्मिंघम के लिए उनकी सीधी उड़ान आखिरी समय में रद्द हो गई थी। उन्नति ने कहा, ''मुझे आज करीब 11 बजे यात्रा करनी थी लेकिन सुबह-सुबह पता चला कि उड़ान रद्द हो गई है। अन्य उड़ानों में सीटें खाली नहीं हैं। मैं बीएआई के संपर्क में हूं और वे बीडब्ल्यूएफ से बात कर रहे हैं कि शायद मेरे मैच देर से कराए जाएं।'' भारत के पूर्व कोच विमल कुमार को भी शनिवार को निकलना था लेकिन बेंगलुरु में विमान में सवार होने से कुछ देर पहले उन्हें उड़ान के रद्द होने के बारे में पता चला। युगल कोच बी सुमीत रेड्डी के साथ रोहन कपूर और रुतविका शिवानी की मिश्रित युगल जोड़ी सिंगापुर के रास्ते यात्रा करेगी। भारतीय बैडमिंटन संघ के सचिव संजय मिश्रा ने कहा, ''कुछ खिलाड़ी हैं जिन्हें हम सिंगापुर के रास्ते भेजने की कोशिश कर रहे हैं, कुछ पहुंच गए हैं। सात्विक और चिराग पहुंच गए हैं।'' अमेरिका और इजराइल ने शनिवार को ईरान पर बड़ा हमला किया जिसमें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरानी जनता से इस्लामिक नेतृत्व को उखाड़ फेंकने की अपील की। सैन्य हमलों की वजह से खाड़ी क्षेत्र में वायु क्षेत्र बंद हो गया है और एमिरेट्स तथा एयर इंडिया सहित कई उड़ानों में रुकावट आई है। एयर इंडिया ने खाड़ी क्षेत्र से आने-जाने वाली अपनी सभी उड़ाने रद्द कर दी हैं विशेषकर अबु धाबी, दम्मम, दोहा, दुबई, जेद्दा, मस्कट, रियाद और तेल अवीव से जुड़ी। अमेरिका, इजराइल और ईरान पर मिसाइल हमलों के बाद वायु क्षेत्र बंद होने की वजह से दुबई हवाई अड्डे ने सभी तरह का संचालन अनिश्चित काल के लिए रोक दिया है।

ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों का तूफान, मूनी की पारी से भारत बेहाल, 409 रन बनाकर इतिहास रचा

नई दिल्ली एलिसा हीली और बेथ मूनी के शतकों के दम पर ऑस्ट्रेलिया ने भारत के खिलाफ तीसरे और आखिरी वनडे में निर्धारित 50 ओवर में 409 रन बोर्ड पर लगाए। सीरीज के पहले दो मैच हारकर अजेय बढ़त बना चुकी ऑस्ट्रेलियाई टीम के खिलाफ भारतीय कप्तान हरमनप्रीत कौर ने इस मैच में टॉस जीतकर पहले बैटिंग चुनी थी। हरमनप्रीत कौर का यह फैसला गलत साबित हुआ और भारत को अब सीरीज में अगर वाइटवॉश से बचना है तो 410 रन चेज करने होंगे। अपने वनडे करियर का आखिरी मैच खेल रहीं, ऑस्ट्रेलियाई कप्तान एलिसा हीली ने 158 रन बनाए, जबकि बेथ मूनी ने 106 रनों की नाबाद पारी खेली। भारतीय टीम के नाम इस दौरान कई शर्मनाक रिकॉर्ड दर्ज हुए। वुमेंस वनडे क्रिकेट के इतिहास में यह भारतीय टीम द्वारा एक पारी में लुटाए गए दूसरे सबसे ज्यादा रन है। इससे पहले ऑस्ट्रेलिया ने ही 2025 में टीम इंडिया के खिलाफ 412 रन बनाए थे। टीम इंडिया इसी के साथ दूसरी ऐसी टीम बन गई है, जिसके खिलाफ वनडे क्रिकेट के इतिहास में दो बार 400 से अधिक रन बने हो। आयरलैंड की टीम चार बार तो पाकिस्तान एक बार एक पारी में 400 से अधिक रन लुटा चुका है। वनडे क्रिकेट में भारत का हाईएस्ट स्कोर 435 रन भी आयरलैंड के खिलाफ दर्ज है। श्री चरणी ODI में 100+ रन देने वाली सिर्फ तीसरी बॉलर बनी हैं। वहीं सिर्फ छह बार भारत के किसी बॉलर ने महिलाओं की ODI इनिंग में 80 से ज्यादा रन दिए हैं, जिनमें से तीन आज आए हैं। पिछले 15 महीनों में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सभी छह रिकॉर्ड दर्ज हुए हैं। टीम इंडिया ने एलिसा हीली को दिया ‘गार्ड ऑफ ऑनर’ तीन मैच की इस सीरीज के पहले दो मैच हारकर सीरीज गंवा चुकी टीम इंडिया ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ तीसरे वनडे में टॉस जीतकर पहले बॉलिंग करने का फैसला किया है। भारतीय टीम जब मैदान पर उतरी तो उन्होंने दो लाइन में खड़े होकर एलिसा हीली को गार्ड ऑफ ऑनर दिया। भारतीय टीम के इस जेस्चर की तारीफ हर जगह हो रही है। एलिसा हीली ने जनवरी में ही सभी फॉर्मेट से संन्यास का ऐलान कर दिया था, भारत के खिलाफ जारी यह मल्टी फॉर्मेट सीरीज उनके करियर की आखिरी सीरीज है। वनडे के बाद हीली 6 मार्च को भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच होने वाले एकमात्र डे नाइट टेस्ट के दौरान आखिरी बार पीली जर्सी में ऑस्ट्रेलिया के लिए मैदान पर दिखेगी। एलिसा हीली ने फरवरी 2010 में 19 साल की उम्र में ऑस्ट्रेलिया के लिए डेब्यू किया था और ODI में 3500 से ज्यादा रन बनाए हैं। T20I में उनके नाम 25.45 की औसत से 3054 रन दर्ज है, इस दौरान उनका हाईस्ट स्कोर 148 नॉट आउट का है, जो फुल मेंबर टीमों में सबसे ज्यादा निजी स्कोर है। उन्होंने 2010, 2012, 2014, 2018, 2020 और 2023 में विमेंस T20 वर्ल्ड कप और 2013 और 2022 में ODI वर्ल्ड कप जीता। हीली 2018 और 2019 में ICC की T20I क्रिकेटर ऑफ़ द ईयर भी थीं।

वेस्टइंडीज के सामने भारत बेबस! आंकड़े देख बढ़ी सूर्या-गंभीर की चिंता

कोलकाता इंडिया वर्सेस वेस्टइंडीज टी20 वर्ल्ड कप 2026 का सुपर-8 मैच आज यानी रविवार, 1 मार्च को खेला जाना है। IND vs WI मैच कोलकाता के ईडन गार्डन्स मैदान पर खेला जाना है। यह मैच एक तरह से वर्चुअल क्वार्टर फाइनल जैसा है, भारत और वेस्टइंडीज में से जो टीम आज जीतेगी उसे सेमीफाइनल का टिकट मिलेगा। इस मुकाबले से पहले हर किसी की नजरें दोनों टीमों के हेड टू हेड रिकॉर्ड पर है। T20I के ऑलओवर रिकॉर्ड में तो टीम इंडिया का दबदबा नजर आता है, मगर जब बात टी20 वर्ल्ड कप में हेड टू हेड की आती है तो आंकड़े हैरान कर देने वाले हैं। IND vs WI T20I हेड टू हेड रिकॉर्ड T20I में भारत और वेस्टइंडीज के हेड टू हेड रिकॉर्ड की बात करें तो, दोनों टीमों के बीच अभी तक 30 मैच खेले गए हैं। भारत ने इस दौरान 19 मैच जीतकर अपना दबदबा बनाया हुआ है, वहीं वेस्टइंडीज को भारत के खिलाफ 10 बार जीत मिली है। दोनों टीमों के बीच 1 मुकाबले का रिजल्ट नहीं निकल पाया था। IND vs WI T20 वर्ल्ड कप हेड टू हेड रिकॉर्ड मगर जब बार टी20 वर्ल्ड कप में हेड टू हेड रिकॉर्ड की आती है तो यहां हैरान कर देने वाले आंकड़े दिखाई देते हैं। भारत और वेस्टइंडीज का टी20 वर्ल्ड कप में आमना-सामना 4 बार हुआ है, जिसमें टीम इंडिया को एक ही बार जीत नसीब हुई है, वहीं वेस्टइंडीज ने भारत को 3 बार धूल चटाई है। जी हां, भारत को वेस्टइंडीज के खिलाफ एकमात्र जीत 2014 टी20 वर्ल्ड कप के दौरान नसीब हुई थी। T20 वर्ल्ड कप में इंडिया Vs वेस्टइंडीज: 2009 – वेस्टइंडीज़ जीता। 2010 – वेस्टइंडीज जीता। 2014 – इंडिया जीता। 2016 – वेस्टइंडीज जीता। इंडिया वर्सेस वेस्टइंडीज स्क्वॉड इंडिया स्क्वॉड: संजू सैमसन (विकेट कीपर), अभिषेक शर्मा, ईशान किशन, सूर्यकुमार यादव (कप्तान), तिलक वर्मा, हार्दिक पांड्या, शिवम दुबे, अक्षर पटेल, अर्शदीप सिंह, वरुण चक्रवर्ती, जसप्रीत बुमराह, रिंकू सिंह, वाशिंगटन सुंदर, मोहम्मद सिराज, कुलदीप यादव वेस्टइंडीज स्क्वॉड: ब्रैंडन किंग, शाई होप (विकेट कीपर), शिमरोन हेटमायर, रोवमैन पॉवेल, रोस्टन चेस, शेरफेन रदरफोर्ड, रोमारियो शेफर्ड, जेसन होल्डर, मैथ्यू फोर्ड, गुडाकेश मोटी, शमर जोसेफ, जॉनसन चार्ल्स, अकील होसेन, जेडन सील्स, क्वेंटिन सैम्पसन  

जिम्बाब्वे ने जीता टॉस, पहले बैटिंग का दांव; साउथ अफ्रीका को दिया लक्ष्य का चैलेंज

नई दिल्ली आईसीसी पुरुष टी20 विश्व कप 2026 के सुपर-8 चरण में आज दक्षिण अफ्रीका और जिम्बाब्वे के बीच दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में मुकाबला होने जा रहा है। दक्षिण अफ्रीका के लिए यह मैच सेमीफाइनल की तैयारियों को अंतिम रूप देने जैसा है, क्योंकि वे पहले ही टूर्नामेंट में अपने शानदार प्रदर्शन के दम पर अंतिम चार में अपनी जगह पक्की कर चुके हैं। जिम्बाब्वे ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला लिया है। जिम्बाब्वे की प्लेइंग XI- तादिवानाशे मारुमनी (विकेटकीपर), ब्रायन बेनेट, डायोन मायर्स, सिकंदर रज़ा (कप्तान), रयान बर्ल, टोनी मुन्योंगा, क्लाइव मदांडे, ब्रैड इवांस, वेलिंगटन मसाकाद्ज़ा, ग्रीम क्रीमर और ब्लेसिंग मुज़ारबानी। दक्षिण अफ्रीका XI – एडेन मार्कराम (कप्तान), क्विंटन डी कॉक (विकेटकीपर), रयान रिकेल्टन, डेवाल्ड ब्रेविस, डेविड मिलर, ट्रिस्टन स्टब्स, जॉर्ज लिंडे, कॉर्बिन बॉश, एनरिक नॉर्खिया, क्वेना मफाका और लुंगी एनगिडी। टूर्नामेंट में अब तक अजेय रही प्रोटियाज टीम ने शानदार प्रदर्शन किया है और लीग स्टेज के बाद सुपर-8 में भारत और वेस्टइंडीज जैसी मजबूत टीमों को भी मात दी है। दूसरी ओर, जिम्बाब्वे के लिए यह इस विश्व कप के सफर का आखिरी मैच है, क्योंकि सुपर-8 के शुरुआती मैचों में वेस्टइंडीज और भारत से मिली हार के बाद वे सेमीफाइनल की दौड़ से बाहर हो चुके हैं। जिम्बाब्वे के लिए यह मुकाबला सम्मान बचाने के लिए है। इस टूर्नामेंट में उन्होंने ऑस्ट्रेलिया और श्रीलंका जैसी दिग्गज टीमों को हराकर सभी को हैरान किया था, लेकिन भारतीय पिचों पर उनकी गेंदबाजी और बल्लेबाजी दोनों ही संघर्ष करती दिखी हैं। कप्तान सिकंदर रज़ा की टीम के लिए ब्रायन बेनेट बल्ले से और ब्लेसिंग मुज़ारबानी गेंद से सबसे बड़े सितारे बनकर उभरे हैं। दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में दिन के मैच अक्सर 'स्टिकी' और धीमे रहे हैं, जहां टॉस जीतने वाली टीम पहले गेंदबाजी करना पसंद कर सकती है क्योंकि यहां पिछले पांच में से चार मैच लक्ष्य का पीछा करने वाली टीमों ने जीते हैं। यह मुकाबला भारतीय समयानुसार दोपहर 3:00 बजे शुरू होगा।  

T20 वर्ल्ड कप में निर्णायक जंग: वेस्टइंडीज के खिलाफ भारत की सेमीफाइनल की लड़ाई

नई दिल्ली टी20 वर्ल्ड कप 2026 में रविवार को 'करो या मरो' के मुकाबले में टीम इंडिया की भिड़ंत वेस्टइंडीज से होगी। कोलकाता के ईडन गार्डन्स मैदान पर सेमीफाइनल में पहुंचने के लिए भारत को हर हाल में कैरेबियाई टीम के खिलाफ जीत दर्ज करनी होगी। टीम इंडिया ने सुपर-8 राउंड का आगाज साउथ अफ्रीका के खिलाफ हार के साथ किया था। प्रोटियाज टीम के खिलाफ मिली 76 रनों की बड़ी हार से भारतीय टीम के नेट रन रेट पर भी बुरा असर पड़ा था। हालांकि, जिम्बाब्वे के खिलाफ 26 फरवरी को खेले गए मुकाबले में सूर्या की सेना ने शानदार वापसी की थी। भारतीय टीम ने जिम्बाब्वे को एकतरफा अंदाज में 72 रनों से हराया था। बल्लेबाजी में अभिषेक शर्मा बेहतरीन लय में दिखाई दिए थे और उन्होंने टूर्नामेंट में अपना पहला अर्धशतक जमाया था। वहीं, हार्दिक पांड्या और तिलक वर्मा ने भी ताबड़तोड़ बल्लेबाजी करते हुए बल्ले से अहम योगदान दिया था। भारतीय टीम की ओर से गेंदबाजी में अर्शदीप सिंह ने सिर्फ 24 रन देकर 3 विकेट निकाले थे, जबकि वरुण चक्रवर्ती और अक्षर पटेल ने भी दमदार प्रदर्शन किया था। दूसरी ओर, सुपर-8 राउंड के पहले मैच में जिम्बाब्वे को 107 रनों से रौंदने के बाद वेस्टइंडीज को साउथ अफ्रीका के हाथों 9 विकेट की करारी हार झेलनी पड़ी थी। टीम के गेंदबाज 177 रनों के लक्ष्य का बचाव करने में नाकाम रहे थे। वहीं, कैरेबियाई टीम का टॉप ऑर्डर भी बुरी तरह से विफल रहा था। जेसन होल्डर ने 31 गेंदों में 49 रनों की दमदार पारी खेली थी, तो रोमारियो शेफर्ड ने 37 गेंदों में 52 रन बनाए थे। टी20 में भारत और वेस्टइंडीज के बीच अब तक कुल 30 मुकाबले खेले गए हैं। इसमें से 19 मैच में भारतीय टीम ने जीत दर्ज की है। वहीं, वेस्टइंडीज ने 10 मैच जीते हैं। एक मुकाबला बेनतीजा रहा है। कोलकाता के ईडन गार्डन्स मैदान की पिच बल्लेबाजी के लिए अनुकूल मानी जाती है। ग्राउंड पर बढ़िया बाउंस होने की वजह से गेंद बल्ले पर काफी अच्छे से आती है। हालांकि, शुरुआती ओवर्स के बाद स्पिन गेंदबाजों को भी पिच से मदद मिलती है। ईडन गार्डन्स में पहली पारी का औसतन स्कोर 161 रन रहा है। वहीं, दूसरी पारी में औसत स्कोर 139 रन है। भारत और वेस्टइंडीज के बीच होने वाले अहम मुकाबले में बारिश होने की आशंका न के बराबर है। रविवार को यहां का न्यूनतम तापमान 22 डिग्री सेल्सियस, जबकि अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। मौसम पूरी तरह से साफ रहेगा और दिन में धूप खिली रहेगी। यानी फैंस को पूरे 40 ओवरों का रोमांचक मुकाबला देखने को मिल सकता है।

दमदार दक्षिण अफ्रीका के सामने जोश से भरा जिम्बाब्वे, सकारात्मक अंत की कोशिश

नई दिल्ली सेमीफाइनल की दौड़ से बाहर हो जाने के बावजूद जोश से भरी जिम्बाब्वे की टीम को अगर टी20 विश्व कप में अपने अभियान का शानदार अंत करना है तो उसे बेहतरीन फॉर्म में चल रहे दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ रविवार को यहां होने वाले सुपर आठ के मैच में अपनी गेंदबाजी की कमजोरियों को दूर करना होगा। जिम्बाब्वे ने लीग चरण में अपने ग्रुप में शीर्ष पर रहकर सुपर आठ में जगह बनाई थी लेकिन इस चरण में उसे वेस्टइंडीज और भारत के हाथों करारी हार का सामना करना पड़ा। इसके बावजूद सिकंदर रजा की अगुवाई वाली यह टीम दक्षिण अफ्रीका को कड़ी टक्कर देने के लिए प्रतिबद्ध होगी। आईसीसी के इस टूर्नामेंट में दक्षिण अफ्रीका को हराना मुश्किल है और अगर जिम्बाब्वे को उसे चुनौती देनी है तो उसके गेंदबाजों को अच्छा प्रदर्शन करना होगा जिन्होंने वेस्टइंडीज और भारत के खिलाफ पिछले दो मैच में 250 से अधिक रन लुटाए। रजा को पता है कि वे बड़ी टीमों से तभी मुकाबला कर सकते हैं जब वे तीनों विभागों में अच्छा प्रदर्शन करें। रजा ने कहा, ‘‘विश्व कप में सर्वश्रेष्ठ टीमों के खिलाफ आपको अपने तीनों विभागों में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करना होगा। दुर्भाग्य से अगर एक भी विभाग कमजोर पड़ता है तो मैच आपके हाथ से खिसक जाता है। उम्मीद है की आखिरी मैच में हम तीनों विभाग में अच्छा प्रदर्शन करने में सफल रहेंगे।’’ जिम्बाब्वे कि गेंदबाजों ने पिछले दो मैच में काफी ढीली गेंदें फेंकी। उन्हें उसी अनुशासन के साथ गेंदबाजी करने की जरूरत है जैसा उन्होंने ग्रुप चरण में ऑस्ट्रेलिया और श्रीलंका के खिलाफ किया था। ग्रुप चरण में वह श्रीलंका की धीमी पिचों पर अजेय रहा, लेकिन बल्लेबाजी के लिए अनुकूल भारतीय परिस्थितियों में गलतियों की गुंजाइश काफी कम हो जाती है, जैसा कि उसने मुंबई और चेन्नई में की। बल्लेबाजी की बात करें तो ब्रायन बेनेट और तादिवानाशे मारुमानी की सलामी जोड़ी को पावरप्ले का भरपूर फायदा उठाना होगा। टूर्नामेंट में अब तक आउट नहीं होने वाले बेनेट ने भारत के खिलाफ यह साबित कर दिया कि वे छक्के भी लगा सकते हैं। उन्हें दक्षिण अफ्रीका के मजबूत गेंदबाजी आक्रमण के सामने छक्के लगाने का कोई न कोई तरीका ढूंढना होगा। मार्को यानसन और लुंगी एनगिडी (प्रत्येक ने 11 विकेट लिए) अब तक दक्षिण अफ्रीका के सबसे सफल गेंदबाज रहे हैं। तेज गेंदबाज कैगिसो रबाडा, कॉर्बिन बॉश और मुख्य स्पिनर केशव महाराज ने उनका बखूबी साथ दिया है। दक्षिण अफ्रीका के शीर्ष तीन बल्लेबाज कप्तान एडन मार्क्रम, क्विंटन डीकॉक और रयान रिकेल्टन बेहतरीन फॉर्म में हैं। रजा और उनकी टीम को उन्हें रोकने के लिए गेंदबाजी में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करना होगा। डेविड मिलर, ट्रिस्टन स्टब्स और डेवाल्ड ब्रेविस सहित मध्य क्रम ने भी सुपर आठ में अपना प्रभाव दिखाया है। दक्षिण अफ्रीका ने टूर्नामेंट में अब तक केवल अहमदाबाद और दिल्ली में ही मैच खेले हैं। दिल्ली मंक पांच मैचों में से केवल एक बार ही 200 रन का आंकड़ा पार हुआ है, जब भारत ने नामीबिया के खिलाफ 209 रन बनाए थे। यह मैच एक तरह से औपचारिकता मात्र है क्योंकि दक्षिण अफ्रीका पहले ही सेमीफाइनल में पहुंच चुका है और जिम्बाब्वे लगातार दो हार के बाद प्रतियोगिता से बाहर हो गया है। टीम इस प्रकार हैं: जिम्बाब्वे: सिकंदर रजा (कप्तान), ब्रायन बेनेट, रयान बर्ल, ग्रीम क्रेमर, ब्रैडली इवांस, क्लाइव मदांडे, टिनोटेंडा मापोसा, तदिवानाशे मारुमनी, वेलिंगटन मसाकाद्जा, टोनी मुनयोंगा, ताशिंगा मुसेकिवा, ब्लेसिंग मुजाराबानी, डायोन मायर्स, रिचर्ड नगारवा, बेन कुरेन। दक्षिण अफ्रीका: एडेन मार्क्रम (कप्तान), कॉर्बिन बॉश, डेवाल्ड ब्रेविस, क्विंटन डीकॉक, मार्को यानसन, जॉर्ज लिंडे, केशव महाराज, क्वेना मफाका, डेविड मिलर, लुंगी एनगिडी, एनरिक नॉर्किया, कैगिसो रबाडा, रयान रिकेल्टन, जेसन स्मिथ, ट्रिस्टन स्टब्स। मैच दोपहर तीन बजे भारतीय समयानुसार शुरू होगा।  

क्या भारत रोक पाएगा ऑस्ट्रेलिया का विजय रथ? वनडे सीरीज में करो या मरो की स्थिति

होबार्ट भारतीय टीम पहले दोनों मैच में चुनौतीपूर्ण स्कोर बनाने में नाकाम रही और ऑस्ट्रेलिया ने बिना किसी परेशानी के लक्ष्य हासिल करके श्रृंखला में 2-0 से अजेय बढ़त बनाई। हरमनप्रीत कौर की अगुवाई वाली भारतीय टीम को अगर क्लीन स्वीप से बचना है तो उसके बल्लेबाजों को अपने खेल में आमूलचूल सुधार करना होगा। पहले दो मैचों में बुरी तरह हारने के बाद बैकफुट पर खड़ी मौजूदा विश्व चैंपियन भारतीय टीम को ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ रविवार को होबार्ट में होने वाले तीसरे और अंतिम महिला एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच में साख बचानी होगी। भारतीय महिला टीम को अगर जीत हासिल करके अपनी प्रतिष्ठा कुछ हद तक बचानी है तो उसको अपनी बल्लेबाजी की कमजोरियों को दूर करना होगा। भारतीय टीम पहले दोनों मैच में चुनौतीपूर्ण स्कोर बनाने में नाकाम रही और ऑस्ट्रेलिया ने बिना किसी परेशानी के लक्ष्य हासिल करके श्रृंखला में 2-0 से अजेय बढ़त बनाई। यह लगातार 12वां अवसर है जबकि भारतीय महिला टीम ने ऑस्ट्रेलिया से वनडे श्रृंखला गंवाई। असल में भारत अभी तक अपने इस प्रतिद्वंदी से द्विपक्षीय वनडे श्रृंखला नहीं जीत पाया है। पहले मैच में भारत ने पावरप्ले के अंदर ही तीन विकेट गंवा दिए थे और फिर वापसी नहीं कर पाया। भारतीय टीम ने दूसरे वनडे में पहले विकेट के लिए 78 रन की साझेदारी करके अच्छी शुरुआत की थी, लेकिन मध्य और निचले क्रम के बल्लेबाज इसका फायदा उठाने में नाकाम रहे। भारत ने 17वें और 31वें ओवर के बीच सिर्फ 52 रन पर पांच विकेट गंवा दिए। यह एक ऐसा क्षेत्र है जिस पर उन्हें ध्यान देने की जरूरत है। पहले वनडे में भारत 214 रन पर आउट हो गया और दूसरे वनडे में नौ विकेट पर 251 रन ही बना पाया। ऑस्ट्रेलिया ने इन दोनों मैच में आसानी से लक्ष्य हासिल किया। हरमनप्रीत कौर की अगुवाई वाली भारतीय टीम को अगर क्लीन स्वीप से बचना है तो उसके बल्लेबाजों को अपने खेल में आमूलचूल सुधार करना होगा। युवा सलामी बल्लेबाज प्रतीका रावल ने पहले मैच में शून्य पर आउट होने के बाद शानदार वापसी करते हुए अर्धशतक बनाया, वहीं स्मृति मंधाना ने दोनों मैचों में क्रमशः 31 और 58 रन बनाए। हरमनप्रीत ने भी दो अर्धशतक जड़े। लेकिन जेमिमा रोड्रिग्स और दीप्ति शर्मा जैसी सीनियर बल्लेबाज अभी तक कोई खास योगदान नहीं दे पाए हैं जिससे टीम को नुकसान पहुंचा है। भारतीय कप्तान हरमनप्रीत ने दूसरे मैच के बाद कहा, ‘निश्चित रूप से हमने अच्छी बल्लेबाजी नहीं की। हमने फिर से वही गलतियां दोहराई और विकेट गंवाए। इससे हम पर्याप्त स्कोर नहीं बना पाए। पिछले दो मैच में हम अच्छी बल्लेबाजी नहीं कर पाए और उसका हमें खामियाजा भुगतना पड़ा। उम्मीद है अगले मैच में हम अच्छा प्रदर्शन करेंगे।’ भारत की गेंदबाजी में भी निरंतरता की कमी दिखी। दीप्ति ने तीन विकेट लिए हैं। श्री चरणी ने पहले मैच में दो विकेट लिए थे, लेकिन दूसरे मैच में वह काफी महंगी साबित हुईं। काशवी गौतम और क्रांति गौड़ की तेज गेंदबाजी जोड़ी को अधिक निरंतरता दिखानी होगी और पावरप्ले में ऑस्ट्रेलिया को हावी होने से रोकने के लिए शुरुआत में ही विकेट लेने होंगे। भारत की फील्डिंग भी उम्मीद के मुताबिक नहीं रही, जिसमें गौड़, मंधाना और ऋचा घोष ने कैच छोड़े। इसके विपरीत ऑस्ट्रेलिया ने लगभग सभी विभाग में शानदार प्रदर्शन किया है। जॉर्जिया वोल के दमदार शतक और फीबी लिचफील्ड की प्रवाहमय बल्लेबाजी से ऑस्ट्रेलिया ने दूसरे वनडे में आसानी से लक्ष्य हासिल किया। बेथ मूनी, एलिसा हीली और एनाबेल सदरलैंड ने पहले मैच में अच्छा प्रदर्शन किया था। मेगन शट और एशले गार्डनर की अगुवाई में ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजी आक्रमण ने भी अपने सामूहिक योगदान से प्रभावित किया है। इन दोनों के अलावा अलाना किंग और सदरलैंड ने भी विकेट लिए हैं। भारत ने टी20 श्रृंखला 2-1 से जीती थी, लेकिन ऑस्ट्रेलिया की दो वनडे में जीत ने उसे बहु-प्रारूप वाली श्रृंखला में 6-4 की बढ़त दिला दी है। भारत के इस दौरे विजेता ट्रॉफी हासिल करने वाली टीम का निर्धारण तीनों प्रारूप के कुल अंकों के आधार पर होगा। टी20 और वनडे मैच जीतने पर दो अंक जबकि टेस्ट मैच जीतने पर चार अंक मिलेंगे। भारत को अंतिम वनडे और उसके बाद पर्थ में खेले जाने वाले एकमात्र टेस्ट मैच में वापसी करने की कोशिश करनी होगी ताकि दौरे का अंत निराशाजनक तरीके से न हो। टीम इस प्रकार हैं: भारत: हरमनप्रीत कौर (कप्तान), स्मृति मंधाना (उप-कप्तान), शैफाली वर्मा, रेणुका ठाकुर, श्री चरणी, वैष्णवी शर्मा, क्रांति गौड़, स्नेह राणा, दीप्ति शर्मा, ऋचा घोष (विकेटकीपर), उमा छेत्री (विकेटकीपर), अमनजोत कौर, जेमिमा रोड्रिग्स, काशवी गौतम, हरलीन देयोल, प्रतिका रावल। ऑस्ट्रेलिया: एलिसा हीली (कप्तान), सोफी मोलिनी (उप-कप्तान), डार्सी ब्राउन, निकोला कैरी, एशले गार्डनर, किम गार्थ, अलाना किंग, फीबी लिट्चफील्ड, बेथ मूनी, ताहलिया मैकग्रा, एलीसे पेरी, एनाबेल सदरलैंड, जॉर्जिया वोल, जॉर्जिया वेयरहैम। समय: मैच सुबह 9.20 बजे शुरू होगा।  

क्या बदलने वाली है कप्तानी? अफरीदी ने शादाब को बताया भविष्य का लीडर, सलमान अली पर सवाल

कोलंबो पाकिस्तान की टीम टी20 विश्व कप के सुपर-8 में जगह बना चुकी है और अब तक सेमीफाइनल की रेस में बरकरार है। हालांकि टीम का प्रदर्शन निराशाजनक रहा है। सलमान अली आगा के नेतृत्व में पाकिस्तान की टीम अभी तक ब़ड़ी टीमों के खिलाफ मुकाबला नहीं जीत सकी है। वहीं टीम के कप्तान सलमान अली आगा का प्रदर्शन भी बेहद निराशाजनक रहा है। पाकिस्तान और कप्तान सलमान के टूर्नामेंट में खराब प्रदर्शन की जमकर आलोचना हो रही है और इस बीच शाहिद अफरीदी ने दावा किया है कि अगर माइक हेसन बतौर कोच टूर्नामेंट के बाद बने रहते हैं तो शादाब खान पाकिस्तान की टीम के अगले कप्तान बनेंगे। पाकिस्तान को टी 20 विश्व कप के सेमीफाइनल में पहुंचने की हल्की सी उम्मीद मिली है। पाकिस्तान का आज आखिरी सुपर आठ मुकाबला श्रीलंका से है। टी20 विश्व कप में टीम के खराब प्रदर्शन के कारण सलमान अली की कप्तानी भी खतरे में हैं, कईयों का मानना है कि सलमान अली को पद से जल्द ही हटाया जा सकता है। इंग्लैंड ने न्यूजीलैंड को हराकर पाकिस्तान के सेमीफाइनल में पहुंचने की उम्मीद जगा दी है। न्यूजीलैंड का रन-रेट (1.390) फिलहाल पाकिस्तान (-0.461) से अच्छा है तो पाकिस्तान को सेमीफाइनल में जगह बनाने के लिए श्रीलंका के खिलाफ या तो 64 रनों के अंतर से मैच जीतना होगा आ फिर लक्ष्य को 13.1 ओवर में हासिल करना होगा। शाहिद अफरीदी ने समा टीवी से कहा, ''अगर माइक हेसन कोच बने रहते हैं, फिर मुझे लगता है कि शादाब खान कप्तान बनेंगे। उनका (शादाब और हेसन का) कनेक्शन बहुत पुराना है, जो इस्लामाबाद यूनाइटेड में पाकिस्तान सुपर लीग के दौरान शुरू हुआ था। शादाब बुरा विकल्प नहीं है, लेकिन अगर उनकी गेंदबाजी का प्रदर्शन बेहतर होता, तो यह बहुत अच्छा होता।" इंग्लैंड की न्यूजीलैंड के खिलाफ जीत से पाकिस्तान के सेमीफाइनल में पहुंचने का भी अब रास्ता खुल गया है। अब पाकिस्तान को अपने आखिरी मुकाबले श्रीलंका पर बेहतर रनरेट के साथ बड़े अंतर से जीत हासिल करने पर उसे सेमीफाइनल में प्रवेश मिल जायेगा।  

सिंह कब जुड़ेंगे टीम इंडिया से? BCCI ने वेस्टइंडीज मैच से पहले दिया अहम संकेत

मुंबई टीम इंडिया के युवा बल्लेबाज रिंकू सिंह पिता के निधन के बावजूद कोलकाता में 28 फरवरी को वेस्टइंडीज के खिलाफ सुपर-8 मैच से पहले टीम से जुड़ेंगे। भारत और वेस्टइंडीज के बीच 1 मार्च को कोलकाता के ऐतिहासिक ईडन गार्डन्स में सुपर-8 मुकाबला होने जा रहा है, और इस मैच से पहले टीम इंडिया के युवा बल्लेबाज रिंकू सिंह को लेकर बड़ी खबर आई है। रिंकू सिंह पिता के निधन के बावजूद टीम इंडिया से जुड़ने के लिए तैयार हैं। बीसीसीआई मैनेजमेंट के अनुसार, वे 28 फरवरी, रविवार को वेस्टइंडीज के खिलाफ ‘करो या मरो’ मुकाबले से पहले कोलकाता पहुंचेंगे। रिंकू सिंह के पिता खानचंद सिंह का 27 फरवरी की सुबह ग्रेटर नोएडा के अस्पताल में कैंसर के लंबे इलाज के बाद निधन हो गया। रिंकू ने अपने पिता की अंतिम यात्रा में शामिल होकर उन्हें कंधा दिया। अलिगढ़ में आयोजित अंतिम संस्कार में बड़ी संख्या में लोग पहुंचे और क्रिकेट जगत के कई दिग्गजों ने संवेदनाएं व्यक्त की। BCCI के उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला ने इस घटना को बेहद दुखद बताया। पिता मिलने गए थे घर टीम इंडिया T20 वर्ल्ड कप की डिफेंडिंग चैंपियन है और 27 फरवरी की शाम कोलकाता पहुंच चुकी है। रिंकू इससे पहले साउथ अफ्रीका के खिलाफ सुपर-8 मैच के बाद अपने पिता की बिगड़ती तबीयत के कारण टीम से घर लौट गए थे। बाद में उन्होंने जिम्बाब्वे के खिलाफ मुकाबले से पहले चेन्नई में टीम से फिर जुड़कर खेल जारी रखा। मिला-जुला रहा रिंकू का प्रदर्शन इस वर्ल्ड कप में रिंकू का प्रदर्शन मिला-जुला रहा है। उन्हें अधिकांश मैचों में आखिरी ओवरों में बल्लेबाजी का मौका मिला। पांच पारियों में उन्होंने कुल 24 रन बनाए, जिनमें दो बार नाबाद रहे और उनका सर्वश्रेष्ठ स्कोर 11* रहा। इस साल खेले गए 10 T20I मैचों में रिंकू ने 8 पारियों में 115 रन बनाए हैं। उनका औसत 28.75 और स्ट्राइक रेट 132.18 रहा है, जबकि सर्वश्रेष्ठ स्कोर नाबाद 44 रन रहा। वेस्टइंडीज के खिलाफ आगामी मुकाबला भारतीय टीम के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। इस मैच का विजेता ग्रुप-1 से साउथ अफ्रीका के साथ सेमीफाइनल के लिए क्वालीफाई करेगा। रिंकू सिंह के लिए यह मैच खास महत्व रखता है, क्योंकि वे टीम में वापसी कर अपनी क्षमता दिखाने को तैयार हैं। उनके प्रदर्शन पर अब सभी की नजरें टिकी रहेंगी। रिंकू सिंह की वापसी न केवल उनके व्यक्तिगत संघर्ष और समर्पण की कहानी है, बल्कि यह भारतीय टीम की ताकत को भी बढ़ाएगी। इस मैच में उनकी भूमिका निर्णायक साबित हो सकती है।  

पाकिस्तान की विस्फोटक बल्लेबाजी, जीत के लिए श्रीलंका को 213 रनों की चुनौती

श्रीलंका पल्लेकेले  विश्व कप की लाइव कवरेज में आपका स्वागत है। टी-20 विश्व कप 2026 के सुपर-8 के ग्रुप -2 के आखिरी मुकाबले में पाकिस्तान ने करो या मरो के मुकाबले में पाकिस्तान ने श्रीलंका को 213 रनों का विशाल लक्ष्य दिया है। सेमीफाइनल में पहुंचने के लिए पाकिस्तान को इस मैच को 65 रनों से जीतना होगा। श्रीलंका के कप्तान दसुन शनाका ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाज करने का फैसला किया, जिसे पाकिस्तान के सलामी बल्लेबाजी ने पूरी तरह से गलत साबित कर दिया। दोनों सलामी बल्लेबाजों ने पहले विकेट के लिए रिकॉर्ड 176 रनों की साझेदारी की। फखर जमान 82 गेंदों में 84 रन बनाकर पवेलियन लौटे, जबकि साहिबजादा फरहान ने 60 गेंदों में 100 रन बनाए। श्रीलंका के लगभग सभी गेंदबाज महंगे साबित हुए लेकिन अंत के ओवरों में रनों पर अंकुश जरूर लगाया। आखिरी के दो ओवरों यानी 12 गेंदों में पाकिस्तान ने कुल 14 रन बनाए और अपने 6 विकेट खो दिए। पाकिस्तान ने निर्धारित 20 ओवर की समाप्ति पर 8 विकेट के नुकसान पर 212 रन बनाए हैं और श्रीलंका के सामने 213 रनों का विशला लक्ष्य रखा है। पल्लेकेले की पिच पर अपनी पकड़ मजबूत करने के लिए कप्तान सलमान आगा के पास बाबर आजम, शाहीन अफरीदी और नसीम शाह जैसे अनुभवी खिलाड़ियों की फौज है। दूसरी ओर, दासुन शनाका के नेतृत्व में श्रीलंकाई टीम अपनी घरेलू परिस्थितियों का पूरा फायदा उठाना चाहेगी। उनके पास पाथुम निसांका, कुसल मेंडिस और महीश तीक्ष्णा जैसे खिलाड़ी हैं जो किसी भी समय मैच का पासा पलट सकते हैं। पाकिस्तान प्लेइंग XI (Playing XI)- साहिबजादा फरहान, फखर ज़मान, सलमान आगा, ख्वाजा नाफे, उस्मान खान, शादाब खान मोहम्मद नवाज, शाहीन अफरीदी, नसीम शाह, अबरार अहमद, उस्मान तारिक श्रीलंका प्लेइंग XI (Playing XI)- पथुम निसांका, कामिल मिश्रा, चरित असलंका, पवन रथनायके, कमिंडु मेंडिस, दासुन शनाका जनिथ लियानागे, दुनिथ वेलालेज, महेश तीक्ष्णा, दुष्मंथा चमीरा, दिलशान मदुशंका।