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केरल, महाराष्ट्र, तमिलनाडु को पछाड़कर शीर्ष पर पहुंचा यूपी

सीएम योगी के नेतृत्व में सर्वाधिक अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट वाला राज्य बना उत्तर प्रदेश  केरल, महाराष्ट्र, तमिलनाडु को पछाड़कर शीर्ष पर पहुंचा यूपी  उत्तर प्रदेश में जेवर, लखनऊ, वाराणसी, अयोध्या व कुशीनगर की शान बने अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट  जेवर समेत यूपी में कुल 17 एयरपोर्ट संचालित, अब 24 एयरपोर्ट वाला राज्य बनने की ओर अग्रसर उत्तर प्रदेश लखनऊ नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पहले चरण के उद्घाटन के साथ ही उत्तर प्रदेश के खाते में बड़ी उपलब्धि शामिल हो गई। अब उत्तर प्रदेश में अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट की संख्या 05 हो गई है। जेवर एयरपोर्ट के शुरू होते ही अंतर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट के मामले में उत्तर प्रदेश ने केरल, महाराष्ट्र, तमिलनाडु को पीछे छोड़ दिया है। वहीं, उत्तर प्रदेश में कुल एयरपोर्ट की बात करें तो अब यह संख्या बढ़कर 17 हो गई है।  बजट में कई गुना बढ़ोतरी एयर कनेक्टिविटी को मजबूत करने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार ने खजाना खोल दिया है। आंकड़ों के मुताबिक वर्ष 2017-18 से 2025-26 के बीच नागरिक उड्डयन का बजट उत्तर प्रदेश में कई गुना बढ़ चुका है। यही वजह है कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के उद्घाटन के साथ ही यूपी एयर-कनेक्टिविटी के मामले में देश का सिरमौर बन गया। योगी सरकार ने हालिया बजट में नागरिक उड्ड्यन के लिए 2111 करोड़ रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित की है।  24 एयरपोर्ट वाला राज्य बनने की ओर अग्रसर उत्तर प्रदेश प्रदेश में संचालित एयरपोर्ट – 17 *घरेलू एयरपोर्ट 12 – आगरा, त्रिशूल (बरेली), गोरखपुर, हिंडन (गाजियाबाद), प्रयागराज, कानपुर, अलीगढ़, आजमगढ़, मुरादाबाद, श्रावस्ती, चित्रकूट, सहारनपुर *अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट 05 – नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट जेवर, चौधरी चरण सिंह इंटरनेशनल एयरपोर्ट लखनऊ, लाल बहादुर शास्त्री हवाई अड्डा वाराणसी, महर्षि वाल्मीकि इंटरनेशनल एयरपोर्ट अयोध्या, कुशीनगर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा कुशीनगर *प्रक्रियाधीन एयरपोर्ट परियोजनाएं 07 – म्योरपुर (सोनभद्र), ललितपुर, मेरठ, पलिया (लखीमपुर) फुरसतगंज (अमेठी), गाजीपुर व झांसी।

गर्मी के सीजन में महिलाओं की पहली पसंद बने फ्लोरल प्रिंट और जयपुरी डिजाइन के कॉटन सूट

अंबाला गर्मी की आहट के साथ ही बाजारों का मिज़ाज भी बदलने लगा है और इसी के साथ हरियाणा के अंबाला की एशिया की सबसे बड़ी कपड़ा मार्केट इन दिनों समर फैशन का सबसे बड़ा ट्रेंडिंग हब बनकर उभर रही है. दरअसल, इस बार महिलाओं के लिए शानदार समर कलेक्शन की भरमार कपड़ा मार्केट में देखने को मिल रही है, जिसके चलते हर दुकान पर ग्राहकों की भारी भीड़ नजर आ रही है. हल्के और कूल फैब्रिक जैसे कॉटन, रेयॉन और फ्लोरल प्रिंट वाले सूट इस सीजन में खास पसंद किए जा रहे हैं. एशिया की सबसे बड़ी मार्केट वहीं, इस बारे में  अंबाला शहर की कपड़ा मार्केट में जाकर ट्रेंडिंग कपड़ों की जानकारी ली, तो दुकानदार प्रिंस सिंह ने बताया कि अंबाला शहर की कपड़ा मार्केट एशिया की सबसे बड़ी मार्केट है और इस बार गर्मी के मौसम को लेकर कई ट्रेंडिंग कपड़े आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं. उन्होंने बताया कि यहां 250 रुपये से लेकर पार्टी वियर कपड़े 2500 रुपये तक की रेंज में आसानी से मिल रहे हैं. क्या है ट्रेंड उन्होंने कहा कि कॉटन के सूट में प्रिंटिंग डिजाइन काफी ज्यादा ट्रेंड में है और रोजमर्रा में पहने जाने वाले सूट 250 रुपये से लेकर 495 रुपये तक की रेंज में ग्राहकों को मिल रहे हैं. उन्होंने बताया कि बॉटल ग्रीन कपड़े में फूल-पत्तियों के डिजाइन इस बार महिलाओं को काफी पसंद आ रहे हैं. कॉटन के सूट पर मशीन डिजाइन की मदद से सीपियों और बिंदियों का काम किया गया है. खास तौर पर इस बार दुल्हन डिजाइन का वर्क भी कॉटन सूट पर देखने को मिल रहा है. फिगर प्रिंट के दुपट्टे के साथ 3 मीटर कपड़े का सूट लगभग 600 रुपये तक आसानी से बिक रहा है. क्या है कीमत उन्होंने बताया कि जयपुरी सूट भी गर्मियों में महिलाओं द्वारा खूब पसंद किए जा रहे हैं. इनमें मोरपंखी डिजाइन के साथ 4 मीटर कपड़े के सूट 900 रुपये से लेकर 1050 रुपये तक की रेंज में उपलब्ध हैं. सूट के साथ दुपट्टे पर भी कारीगरों द्वारा शानदार वर्क किया गया है, जिसमें 2.5 मीटर का दुपट्टा फुल वर्क के साथ तैयार किया जाता है. उन्होंने यह भी बताया कि रेडीमेड कुर्तियां भी लड़कियों में काफी ट्रेंड में हैं, जिनकी कीमत 270 रुपये से लेकर 500 रुपये तक है. इन्हें जींस के साथ पहनने का ट्रेंड काफी लोकप्रिय हो रहा है. इसके अलावा को-ऑर्ड सेट भी इस समय ट्रेंड में हैं, जिनकी कीमत 800 रुपये से लेकर 1500 रुपये तक है. इनमें बैलून फैब्रिक के प्लाजो और डेनिम (जींस कपड़ा) के साथ को-ऑर्ड सेट काफी पसंद किए जा रहे हैं. इन सेट्स में हैंडवर्क की भी काफी डिमांड है और प्लाजो पर भी हल्का वर्क किया गया है. उन्होंने बताया कि पार्टी वियर में सी-कट सूट फोर पीस के साथ काफी ट्रेंड में हैं, जिनकी कीमत 1500 रुपये से शुरू होती है. इनमें चोली पर खासतौर पर सीपियों और मोतियों का खूबसूरत काम किया गया है. दूर-दूर से आते हैं लोग वहीं, दुकानदार जसविंदर सिंह ने बताया कि यह कपड़ा मार्केट 100 साल से भी ज्यादा पुरानी है और यहां हर तरह के ट्रेंडिंग सूट बहुत ही किफायती दामों में मिल जाते हैं. उन्होंने कहा कि हिमाचल, पंजाब और उत्तराखंड से लोग होलसेल रेट पर कपड़े खरीदने के लिए यहां आते हैं और सस्ते दामों पर कपड़ा लेकर अपने-अपने शहरों में बेचते हैं. उन्होंने बताया कि इस बार कॉटन में कई नई वैरायटी की मांग बढ़ी है, जिसमें पाकिस्तानी प्रिंट और सूरत का हैंडवर्क काफी ट्रेंड में है. उन्होंने कहा कि पहले यही कॉटन 800 से 1000 रुपये तक बिकता था, लेकिन इस बार होलसेल मार्केट में ही इसकी कीमत 500 रुपये से शुरू हो गई है. उन्होंने बताया कि पार्टी वियर सूट में कांच के शीशों से बना डिजाइन भी काफी आकर्षण का केंद्र बना हुआ है, जिसमें फूल-पत्तियों के पैटर्न खास पसंद किए जा रहे हैं.

कैंसर इलाज में बड़ा कदम: बालको मेडिकल सेंटर में रोबोटिक सिस्टम से उन्नत सर्जरी संभव

रायपुर. वेदांता के बालको मेडिकल सेंटर (बीएमसी) ने एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। मध्य भारत का पहला निजी अस्पताल बनते हुए बीएमसी ने दा विंची Xi रोबोटिक सर्जरी सिस्टम की स्थापना कर दी है। इस उन्नत रोबोटिक तकनीक के साथ अब छत्तीसगढ़ और आसपास के राज्यों के कैंसर मरीजों को जटिल सर्जरी के लिए दिल्ली, मुंबई या हैदराबाद जैसे बड़े शहरों की यात्रा नहीं करनी पड़ेगी। दा विंची Xi सिस्टम छोटे-छोटे इंसीजन (चीरे), न्यूनतम रक्तस्राव, कम दर्द, कम अस्पताल में रहने की अवधि और तेज रिकवरी सुनिश्चित करता है। इस तकनीक में सर्जन एक कंसोल पर बैठकर उच्च-परिभाषा 3D विजन और रोबोटिक आर्म्स की मदद से सर्जरी करते हैं। रोबोटिक उपकरण मानव कलाई से भी ज्यादा लचीलापन देते हैं, कंपन को फिल्टर करते हैं और बेहद सटीक मूवमेंट्स की अनुमति देते हैं। इससे जटिल कैंसर सर्जरी जैसे प्रोस्टेट, गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल, हेड एंड नेक, ब्रेस्ट और स्त्री रोग संबंधी कैंसर और भी सुरक्षित तथा प्रभावी हो जाती हैं। छत्तीसगढ़ और आसपास के क्षेत्रों के मरीजों के लिए अब उन्नत कैंसर सर्जरी अपने ही क्षेत्र में उपलब्ध होगी। यह तकनीक छोटी चीरे (इंसीज़न), कम रक्तस्राव, कम अस्पताल में रहने की अवधि और तेज रिकवरी सुनिश्चित करती है, जिससे उपचार के परिणाम और मरीज का अनुभव दोनों बेहतर होते हैं। दा विंची xi एक रोबोटिक सहायता प्राप्त सर्जिकल सिस्टम है, जो सर्जनों को अधिक सटीकता और नियंत्रण के साथ जटिल कैंसर सर्जरी करने में सक्षम बनाता है। सर्जन एक कंसोल से छोटे-छोटे उपकरणों को नियंत्रित करते हैं। जो उनके हाथों की गतिविधियों को वास्तविक समय में दोहराते हैं। इसमें हाई-डेफिनिशन 3D विज़न मिलता है, और इसके उपकरण मानव कलाई की प्राकृतिक सीमा से अधिक लचीलापन प्रदान करते हैं। साथ ही इसमें कंपन (ट्रेमर) को नियंत्रित करने की सुविधा होती है, जिससे सर्जरी अधिक स्थिर और सटीक होती है। यह सिस्टम शरीर के विभिन्न हिस्सों तक बिना मरीज की स्थिति बदले पहुंचने में सक्षम है, जिससे जटिल सर्जरी और भी प्रभावी हो जाती है। लॉन्च के अवसर पर डॉ. दिवाकर पांडेय, हेड सर्जिकल ऑन्कोलॉजी, बीएमसी ने कहाः “बीएमसी की सर्जिकल टीम देश-विदेश के प्रतिष्ठित संस्थानों में प्रशिक्षित है और लगातार उच्च गुणवत्ता की सेवाएं प्रदान कर रही है। हर साल बीएमसी में 3,000 से अधिक सर्जरी की जाती हैं, जिनमें गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल, प्रोस्टेट ग्रंथि का कैंसर, हेड एंड नेक, ब्रेस्ट, स्त्री रोग और पेरिटोनियल कैंसर जैसी जटिल सर्जरी शामिल हैं। इस तकनीक के आने से हम जटिल शरीर संरचनाओं में बेहतर तरीके से सर्जरी कर पाएंगे, साथ ही अंगों को सुरक्षित रखने और उनकी कार्यक्षमता बनाए रखने पर भी विशेष ध्यान दे सकेंगे।” डॉ. भावना सिरोही, मेडिकल डायरेक्टर, वेदांता मेडिकल रिसर्च फाउंडेशन ने कहा: “यह कदम बीएमसी को कैंसर उपचार के क्षेत्र में उत्कृष्टता केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण है। हम वैश्विक स्तर के संस्थानों से प्रेरित हैं और इस क्षेत्र में उच्च गुणवत्ता की चिकित्सा सेवाएं लाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। रोबोटिक सर्जरी और एक नए ऑपरेशन थिएटर के जुड़ने से अब बीएमसी के पास जटिल कैंसर मामलों के लिए आधुनिक सर्जिकल सुविधाएं उपलब्ध हैं। साथ ही, हम क्षेत्र के अन्य संस्थानों और डॉक्टरों के साथ मिलकर ज्ञान साझा करने और उन्नत सर्जिकल तकनीकों में क्षमता निर्माण की दिशा में भी काम करेंगे। आने वाली पीढ़ी के ऑन्कोलॉजिस्ट्स को प्रशिक्षित करना कैंसर उपचार को बेहतर बनाने के लिए बेहद जरूरी है।” बालको के सीईओ राजेश कुमार ने कहा कि “बालको में हमारा हमेशा से प्रयास रहा है कि हम जिन समुदायों के साथ काम करते हैं, उनके लिए दीर्घकालिक मूल्य सृजित करें। अब तक उन्नत कैंसर उपचार के लिए मरीजों को बड़े शहरों की यात्रा करनी पड़ती थी, जिससे परिवारों पर आर्थिक और मानसिक बोझ बढ़ता था। इस पहल के साथ अब मरीज अपने ही क्षेत्र में बेहतर इलाज प्राप्त कर सकेंगे, जिससे यात्रा की आवश्यकता और कुल उपचार लागत दोनों कम होंगी। वेदांता के बालको छत्तीसगढ़ के सतत विकास और प्रगति के लिए दृढ़तापूर्वक प्रतिबद्ध है।” बालको मेडिकल सेंटर (बीएमसी) के बारे में बालको मेडिकल सेंटर, नया रायपुर, छत्तीसगढ़ में स्थित 170-बेड का तृतीयक कैंसर अस्पताल है और वेदांता मेडिकल रिसर्च फाउंडेशन (VMRF) की प्रमुख पहल है। वेदांता रिसोर्सेज और भारत एल्युमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) द्वारा एक गैर-लाभकारी संस्था के रूप में स्थापित, बीएमसी मेडिकल, सर्जिकल, रेडिएशन, हीमैटोलॉजी, बोन मैरो ट्रांसप्लांट और पेलिएटिव केयर सहित व्यापक कैंसर उपचार सेवाएं प्रदान करता है। अब तक बीएमसी 66,000 से अधिक मरीजों का इलाज कर चुका है और 4.20 लाख से अधिक ओपीडी विज़िट दर्ज कर चुका है, जो छत्तीसगढ़ और आसपास के राज्यों के मरीजों की सेवा कर रहा है।

थाने जाने की जरूरत खत्म! बिहार में डिजिटल पुलिसिंग, घर बैठे मिलेंगी सभी सेवाएं

पटना. किराएदार, घरेलू सेवक या वाहन चालक का सत्यापन कराना हो, लापता-अपहृत या अज्ञात व्यक्ति का विवरण देना हो अथवा खोई-पाई संपत्ति की जानकारी देनी हो, अब थाने का चक्कर काटने की जरूरत नहीं होगी। आम लोगों से जुड़ी ऐसी तमाम सुविधाएं अब घर बैठे नागरिक सेवा पोर्टल पर एक क्लिक में उपलब्ध होंगी। इसके लिए सरकार ने डिजिटल गवर्नेंस के तहत बिहार पुलिस को और भी स्मार्ट बना दिया है। सरकार ने इसके लिए स्मार्ट नागरिक सेवा पोर्टल जारी किया है। इस स्मार्ट पोर्टल https://citizenservices.bihar.gov.in की खासियत यह है कि इसमें लॉग इन किए बिना भी प्राथमिकी की प्रति प्राप्त की जा सकती है। इसके अलावा कोई भी गुप्त जानकारी दे सकता है। साथ ही उद्घोषित या इनामी अपराधी की जानकारी देख सकते हैं। यह सेवा पारदर्शिता बढ़ाने व नागरिकों को त्वरित सूचना देने के लिए शुरू की गई है। लॉग इन करने पर मिलेंगी दो तरह की सेवाएं ऑनलाइन प्राथमिकी की सुविधा देने वाला स्मार्ट नागरिक पोर्टल पुलिस व जनता के बीच दूरी कम करने में काफी कारगर साबित हुआ है। अब इसमें नई सेवाएं जुड़ने से यह पोर्टल और भी अधिक उपयोगी हो जाएगा। इसका विस्तार कर दिया गया है। citizenservices.bihar.gov.in वेबसाइट पर लॉग इन करने के बाद लोगों को 11 तरह की अन्य सुविधाएं भी मिलेंगी। अभी तक तमाम मामलों में लोगों को थाने का चक्कर लगाना पड़ता था। इस बात की लगातार शिकायते मिलती रहती हैं कि पीड़ित को थाने से लौटा दिया गया। उसकी शिकायत नहीं सुनी गई। छोटे-छोटे मामलों में अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद ही कार्रवाई की उम्मीद जगती थी। अब इस पोर्टल लॉग इन करने के बाद लापता या अपहृत व्यक्ति की रिपोर्ट दर्ज करना, खोई वस्तु की जानकारी देना, अज्ञात व्यक्ति या शव की पहचान से जुड़ी जानकारी देखना, वांछित या गिरफ्तार अपराधियों का विवरण प्राप्त करना और ई-शिकायत दर्ज करना जैसी सेवाएं काफी सहज हो जाएंगी। ऐसी सूचनाएं हासिल करने मे स्थानीय पुलिस का हस्तक्षेप न्यूनतम होगा। सत्यापन व पंजीकरण से जुड़ी सेवाएं भी इस पोर्टल पर उपलब्ध हैं। आमजन चालक का चरित्र सत्यापन, किराएदार या घरेलू सहायक के चरित्र का सत्यापन, वरिष्ठ नागरिकों का ऑनलाइन पंजीकरण, खोई या बरामद संपत्ति की जानकारी प्राप्त करना आदि सेवाओं का लाभ ले सकेंगे। इससे आमजन को अब छोटी-छोटी जरूरतों के लिए थाने जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।

पंजाब के 4 जिलों में बारिश का कहर, लुधियाना समेत ओले गिरने और आंधी का अलर्ट, चंडीगढ़ में बूंदाबांदी

लुधियाना पंजाब सहित राजधानी चंडीगढ़ में मार्च महीने के अंतिम दिनों में मौसम ने यू-टर्न ले लिया है। रविवार की शुरुआत बादलों और हल्क बारिश के साथ हुई है। चंडीगढ़ में सुबह ही बारिश ही हल्की बौछारों ने मौसम को सुहावना बना दिया है। वहीं पंजाब के कई जिलों में सुबह से ही बादल छाए हुए हैं।   मौसम विभाग के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से रविवार से मौसम का मिजाज बदला है। रविवार व सोमवार के लिए पंजाब में बारिश के साथ ओलावृष्टि का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इसके तहत पंजाब में 40 से 50 किलोमीटर की रफ्तार से तेज हवाएं चलने के साथ ओलावृष्टि होगी व बारिश पड़ेगी। इससे तापमान में 3 से 4 डिग्री तक की गिरावट दर्ज की जाने से मौसम में आई तल्खी से राहत मिलेगी लेकिन मौसम विभाग की इस भविष्यवाणी से किसानों की चिंता बढ़ गई है। कारण यह है कि इस समय गेहूं की फसलें लगभग तैयार खड़ी हैं। ऐसे में बारिश के साथ तेज हवाएं चलने से फसलों के गिरने का खतरा है। इसके मद्देनजर मौसम विभाग ने भी एडवाइजरी जारी की है। इसमें किसानों को सिंचाई न करने के साथ-साथ फसलों में खाद डालने व कीटनाशक का स्प्रे करने से बचने की सलाह दी गई है। किसानों को खराब मौसम के दौरान किसी भी खेतीबाड़ी संबंधित काम को न करने की सलाह देते हुए सुरक्षित जगह रहने को कहा गया है। किसानों के साथ-साथ आम लोगों को तेज हवाएं चलने व बारिश के दौरान पेड़ों के नीचे शरण न लेने की अपील की गई है। शनिवार को पंजाब में कुछ जगहों पर बेहद हल्की बारिश दर्ज हुई। पंजाब के न्यूनतम तापमान में 1.8 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई। इससे अब यह सामान्य के नजदीक हो गया है। सबसे कम 15 डिग्री का न्यूनतम पारा बठिंडा व अबोहर का दर्ज किया गया। पंजाब के अधिकतम तापमान में 1.3 डिग्री की वृद्धि दर्ज हुई। यह सामान्य के नजदीक बना हुआ है। सबसे अधिक 33.3 डिग्री का पारा पटियाला का दर्ज किया गया। अमृतसर का अधिकतम तापमान 29.9 डिग्री, लुधियाना का 32.0 डिग्री, पठानकोट का 28.9 डिग्री, बठिंडा का 33.2 डिग्री, होशियारपुर का 29.5 डिग्री, फाजिल्का का 32.6 डिग्री. फिरोजपुर का भी 32.6 डिग्री दर्ज किया गया। अमृतसर का न्यूनतम पारा 16.0 डिग्री, लुधियाना का 16.6 डिग्री, पटियाला का 17.6 डिग्री, पठानकोट का 15.5 डिग्री, फरीदकोट का 18.8 डिग्री और रूपनगर का 15.5 डिग्री दर्ज किया गया।

मौसम विभाग ने किसानों को दी सिंचाई रोकने की सलाह और 30 मार्च तक तेज हवाओं की चेतावनी

हरियाणा हरियाणा में मार्च के आखिर में मौसम ने अचानक पलटा खाया है ओर अब फिर लोगों को गर्मी से राहत मिली हैं.लेकिन किसानों की परेशानी बढ़ गई. कुछ दिन पहले तक तापमान बढ़ता जा रहा था, लेकिन अब पश्चिमी विक्षोभ के चलते मौसम पूरी तरह बदल गया है. IMD चंडीगढ़ की मानें तो हरियाणा के नूंह मेवात जिले में 28 मार्च को अधिकतम तापमान 34.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था,जबकि भिवानी जिले में 34.4 डिग्री सेल्सियस तापमान देखने को मिला. चरखी दादरी 34.0 डिग्री तापमान देखने को मिला था. इसी तरह 28 मार्च को सुबह के समय सबसे कम तापमान यमुनानगर जिले में 16.0 डिग्री सेल्सियस देखने को मिला. हरियाणा में आज सुबह का तापमान 20°C है,जबकि अंबाला जिले में सुबह के समय तापमान 21 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है. प्रदेश के कई जिलों में आज और कल बारिश का अलर्ट वहीं भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने आज यानि 29 मार्च और 30 मार्च के लिए अलर्ट जारी किया है. इसमें आज पूरे हरियाणा में बारिश को लेकर येलो अलर्ट जारी किया गया है,जबकि 30 मार्च को हरियाणा के कुछ हिस्सों में बारिश होगी. 30 मार्च को पंचकूला, अंबाला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, कैथल, करनाल, जींद, पानीपत, सोनीपत, रोहतक, गुरुग्राम, फरीदाबाद, मेवात और पलवल में गरज-चमक और तेज हवाओं की चेतावनी दी गई है.आज प्रदेश के ज्यादातर हिस्सों में 40 से 60 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलने के भी आसार हैं. किसानों के लिए विशेष एडवाइजरी और फसलों पर संक मौसम विभाग ने 29-30 मार्च के दौरान तेज हवाओं और बारिश की संभावना को देखते हुए किसानों से सिंचाई और कीटनाशकों का छिड़काव फिलहाल न करने की सलाह दी है.इसी तरह 31 मार्च को हरियाणा में आंशिक बादल और धूप का मिश्रण देखने को मिलेगा. गर्मी का असर बढ़ेगा और तापमान 34-35°C तक जा सकता है. 1 अप्रैल को नए महीने की शुरुआत गर्म रहेगी. तेज धूप के साथ लू जैसे हालात बन सकते हैं. तापमान 35°C के पार जा सकता है.जबकि 2 अप्रैल को हरियाणा के कुछ क्षेत्रों में हल्की धूल भरी हवाएं चल सकती हैं. मौसम शुष्क रहेगा और गर्मी बनी रहेगी. 3 अप्रैल को दिन में तेज गर्मी रहेगी, हालांकि शाम के समय हवा चलने से थोड़ी राहत मिल सकती है.वही 4 अप्रैल को सप्ताह के अंत में तापमान 36°C तक पहुंच सकता है ओर मौसम पूरी तरह शुष्क और गर्म रहेगा. AQI लेवल में हुआ बदलाव हरियाणा में एक तरफ जहां गर्मी से लोगों को राहत मिलेगी, तो वहीं AQI लेवल भी लगातार बदलता हुआ दिखाई दे रहा है. दरअसल aqi.in की मानें तो हरियाणा के फरीदाबाद जिले में सुबह AQI  लेवल 214 देखने को मिला है, जबकि राजधानी दिल्ली में AQI लेवल 179 दर्ज किया गया है. इसी तरह गुरुग्राम जिले में सुबह AQI लेवल 202 देखने को मिला है, जबकि अंबाला जिले में सुबह AQI लेवल 122 दर्ज किया गया है.

आसमान साफ होने से कैथल के तापमान में दर्ज हुई दो डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी

  कैथल कुछ दिनों की लुका-छिपी के बाद मौसम ने फिर करवट ली है। शनिवार सुबह साफ आसमान और तेज धूप के साथ हुई, जिससे दिन चढ़ने के साथ ही गर्मी का अहसास बढ़ने लगा। ठंडी हवाओं के थमने और बादलों के छंटने से तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की गई है।  आगामी दिनों में 35 डिग्री तक पहुंच सकता है पारा पिछले 24 घंटों में न्यूनतम और अधिकतम तापमान में औसतन 2 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि हुई है। शहर का अधिकतम तापमान फिलहाल 32 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंच गया है। सुबह के समय हल्की ठंडक बनी रहने के बावजूद दोपहर में सूरज के तेवर तीखे हो रहे हैं। बढ़ती गर्मी के चलते दोपहर के समय सड़कों पर आवाजाही में कमी देखी गई और लोग पंखे व कूलर का सहारा लेते नजर आए। मौसम विभाग के अनुसार आगामी तीन-चार दिनों तक आसमान साफ रहने की संभावना है। यदि हवाओं की गति में तेजी नहीं आई तो अधिकतम तापमान 34 से 35 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है, जिससे गर्मी और बढ़ने के आसार हैं। मौसम विशेषज्ञ डॉ. रमेश चंद्र के अनुसार हवा की दिशा में बदलाव और आसमान साफ रहने से सूर्य का विकिरण सीधे धरातल तक पहुंच रहा है, जिससे तापमान में तेजी से वृद्धि हो रही है। हालांकि 32 डिग्री तापमान फिलहाल सामान्य श्रेणी में है। बदलते मौसम में स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने दी सतर्क रहने की सलाह लेकिन स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने इस बदलते मौसम में सतर्क रहने की सलाह दी है। अचानक तापमान बढ़ने से वायरल बुखार, सर्दी-जुकाम जैसी बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है। हवाओं के सुस्त पड़ने से वातावरण में गर्मी तापमान बढ़ने का एक प्रमुख कारण हवाओं की गति में कमी भी माना जा रहा है। जहां पिछले दिनों तेज हवाएं चल रही थीं, वहीं अब हवा की रफ्तार घटकर करीब 8 किलोमीटर प्रति घंटा रह गई है। हवाओं के सुस्त पड़ने से वातावरण में गर्मी ठहर गई है, जिससे धूप की तपिश अधिक महसूस हो रही है।  

भिवानी में साढ़े 16 करोड़ की सिंचाई परियोजनाओं का उद्घाटन कर श्रुति चौधरी ने दी बड़ी सौगात

हरियाणा पूर्व मुख्यमंत्री व देश के रक्षा व रेल मंत्री रहे चौ. बंसीलाल ने हरियाणा प्रदेश को एक उन्नत राज्य बनाने में अपना अभूतपूर्व योगदान दिया था। उन्होंने दक्षिण हरियाणा जैसे रेतीले क्षेत्र में लिफ्ट इरीगेशन जैसी सिंचाई व्यवस्था को खड़ा करके हरा-भरा करने का कार्य किया। वे आधुनिक हरियाणा के निर्माता थे। यह बात सिंचाई मंत्री श्रुति चौधरी ने चौ. बंसीलाल की 20वीं पुण्यतिथि पर चौ. बंसीलाल के पैतृक गांव गोलागढ़ में चौ. बंसीलाल की समाधि पर पुष्पांजलि भेंट करते हुए कही। शाम और कैरू को मिली साढ़े 16 करोड़ की सौगात इस मौके पर मंत्री श्रुति चौधरी ने भिवानी जिले के गांव कैरू व तोशाम कस्बे में सिंचाई विभाग तथा पंचायत विभाग से जुड़ी साढ़े 16 करोड़ की पंप हाऊस व सिंचाई संबंधी योजनाओं की उद्घाटन एवं शिलान्यास किया।  मुख्यमंत्री विभिन्न परियोजनाओं को समर्पित करें श्रुति चौधरी ने बताया कि 31 मार्च को मुख्यमंत्री भिवानी जिले के तोशाम में प्रदेश स्तरीय सूक्ष्म सिंचाई मेले में पहुंचेंगे। इस मेले में दक्षिण हरियाणा जैसे रेतीले इलाके को हरा-भरा करने व सिंचाई को बेहतर बनाने के लिए मुख्यमंत्री विभिन्न परियोजनाओं को समर्पित करेंगे। उन्होंने कहा कि आज समय है हमारे प्राकृतिक संसाधनों से प्राप्त पानी के स्त्रोतों को संचित करने का, इस दिशा में सिंचाई विभाग कार्य कर रहा है। पेट्रोल और गैस संकट पर हाई लेवल मॉनिटरिंग के निर्देश इस मौके पर मंत्री श्रुति चौधरी ने पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए कहा कि पेट्रोल-डीजल व गैस के प्रबंधन को लेकर प्रधानमंत्री देशभर में व्यवस्थाओं को बेहतर कर रहे हैं। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने पेट्रोल की स्थिति पर हाई लेवल मॉनिटरिंग कमेटी भी बनाई है। देश में पेट्रोल की कमी व कालाबाजारी ना हो, इसके लिए सख्ती से कार्य भी किया जा रहा है।  

पंजाब और जम्मू-कश्मीर पुलिस ने मलेरकोटला में दो आतंकियों को दबोचा, शेरवानी कोटे गांव में मजदूरी करते थे

मलेरकोटला  जम्मू कश्मीर पुलिस ने शनिवार को पंजाब के मलेरकोटला में चलाए गए ऑपरेशन में 2 पाकिस्तानी आतंकियों समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया. पंजाब पुलिस के साथ मिलकर चलाए गए इस ऑपरेशन में पकड़े गए पाकिस्तानी आतंकियों के नाम अबू हुरैरा और उस्मान हैं. जबकि, उनके साथ पकड़ा गया जमील एक स्थानीय निवासी है. जिसने दोनों पाकिस्तानी दहशतगर्दों को किराये का मकान दिलवाने में मदद की थी।  मलेरकोटला से पकड़ा गया पाकिस्तानी आतंकी  इनमें अबू हुरैरा ए प्लस कैटेगरी का खतरनाक पाकिस्तानी आतंकी है. इसकी गिरफ्तारी को खुफिया एजेंसियां बड़ी सफलता मान रही हैं, जिनसे भारत में पाकिस्तान की आतंकी साजिशों के बारे में जानकारी मिल सकती है।  सूत्रों के मुताबिक, श्रीनगर पुलिस के स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) को मलेरकोटला में पाकिस्तानी आतंकियों के छिपे होने की गुप्त सूचना मिली थी. इसके बाद SOG ने पंजाब पुलिस की क्राइम इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (CIA) यूनिट के साथ मिलकर मलेरकोटला के शेरवानी कोट गांव में छापा मारा. रेड के दौरान तीनों दहशतगर्दों ने भागने की कोशिश की लेकिन उन्हें दबोच लिया गया।  15 साल से रह रहे थे दोनों पाकिस्तानी बताया जा रहा है कि दोनों मलेरकोटला में पिछले 15 वर्ष से रह रहे थे। दोनों पाकिस्तानी है। गांव शरेवानी कोट के सरपंच सिमरनजीत सिंह ने दोनों को शनिवार को पुलिस के सीआइए स्टाफ की टीम ने जम्मू-कश्मीर पुलिस के साथ घर में दबिश देकर दोनों को पकड़ा। सिमरनजीत ने बताया कि दोनों करीब पांच साल से उनके गांव में ही रहकर मजदूरी करते थे। हालांकि ग्रामीणों का कहना है कि दोनों करीब 15 वर्ष से जिले के अलग-अलग गांवों में रह रहे थे। दोनों खुद को जम्मू-कश्मीर के रहने वाले बताते थे और वे स्थानीय लोगों से घुलमिल चुके थे। दोनों पाकिस्तानी हैं, किसी को कभी उन पर संदेह नहीं हुआ। 11 मई 2025 को मां-बेटी को भी पकड़ा था जासूसी करते मलेरकोटला से पाकिस्तानी आतंकी पकड़े जाने की यह पहली घटना है। हालांकि इससे पहले 11 मई 2025 में पुलिस ने पाकिस्तान के लिए जासूसी करने के आरोप में बाप-बेटी को गिरफ्तार किया था। 31 वर्षीय गुजाला अपने पिता यामीन मोहम्मद के साथ सेना व अन्य बड़े प्रतिष्ठानों की जानकारी पाकिस्तानी उच्चायोग के अधिकारी अब्दुल्ला तक पहुंचाने का काम करते थे। इसके बदले में उन्हें पैसे दिए जाते थे। पुलिस ने दोनों को डिजिटल सुबूत के साथ गिरफ्तार किया था। वहीं, पाकिस्तानी उच्चायोग में तैनात अधिकारी को देश से निष्कासित कर दिया गया था। श्रीनगर पुलिस ने गुप्त सूचना पर चलाया ऑपरेशन उनकी गिरफ्तारी के बाद तीनों आतंकियों को ट्रांजिट रिमांड पर श्रीनगर पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया. जिसके बाद SOG के जवान दोनों आतंकी और उसके मददगार को अपनी कस्टडी में लेकर कश्मीर की ओर रवाना हो गए.  पुलिस सूत्रों के मुताबिक, दोनों आरोपी पिछले 15 वर्षों से भारत के अलग-अलग हिस्सों में रह रहे थे और भारतीय नागरिक बनकर बिना शक पैदा किए अपनी पहचान छिपाए हुए थे।  कट्टरपंथी गतिविधियों का गढ़ बन रहा मलेरकोटला इससे पहले भी मालेरकोटला पुलिस ने कट्टरपंथी गतिविधियों के आरोप में फरहान अंजुम, अदनान खान और वारिस अली को गिरफ्तार किया था, जिनके पास से .32 बोर पिस्टल, कारतूस और मोबाइल फोन बरामद हुए थे. वहीं, एक अन्य मामले में गुजाला और यामीन मोहम्मद को पाकिस्तान से जुड़े जासूसी नेटवर्क में शामिल होने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। 

डाटा सेंटर, फिल्म सिटी और मैन्युफैक्चरिंग हब से यीडा क्षेत्र बन रहा मल्टी-इंडस्ट्री कॉरिडोर

एयरपोर्ट, औद्योगिक निवेश और मेगा प्रोजेक्ट्स से बदल रही जेवर-यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र की तस्वीर डाटा सेंटर, फिल्म सिटी और मैन्युफैक्चरिंग हब से यीडा क्षेत्र बन रहा मल्टी-इंडस्ट्री कॉरिडोर एयरपोर्ट के चलते जमीन की मांग और कीमतों में उछाल, रियल एस्टेट निवेशकों के लिए उभर रहा हॉटस्पॉट गौतमबुद्धनगर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में यमुना एक्सप्रेसवे इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट अथॉरिटी (यीडा) क्षेत्र उत्तर प्रदेश के सबसे तेजी से विकसित होते औद्योगिक और रियल एस्टेट हब के रूप में उभर रहा है। बड़े पैमाने पर निवेश, आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर और मेगा प्रोजेक्ट्स के चलते यह क्षेत्र अब देश के प्रमुख विकास केंद्रों में शामिल होने की ओर अग्रसर है। डाटा सेंटर से फिल्म सिटी तक, मल्टी-सेक्टर ग्रोथ यमुना औद्योगिक क्षेत्र में डाटा सेंटर पार्क, इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग, लॉजिस्टिक्स हब और वेयरहाउसिंग सेक्टर में तेजी से निवेश बढ़ रहा है। इसके साथ ही नोएडा फिल्म सिटी इस क्षेत्र को मीडिया और एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री का भी बड़ा केंद्र बनाने जा रही है। फिल्म सिटी का निर्माण कार्य तेजी से प्रगति पर है और जल्द ही यहां 'मॉम 2'  फिल्म की शूटिंग भी शुरू होने वाली है। फिल्म सिटी में फिल्म इंस्टीट्यूट के निर्माण का भी प्रस्ताव है, जिसका लाभ हजारों युवाओं को मिलेगा जो इस क्षेत्र में भविष्य बनाना चाहते हैं। इसी तरह, डाटा सेंटर हब बनने से इस क्षेत्र में डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत हो रहा है।  नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट बना सबसे बड़ा गेमचेंजर इस पूरे क्षेत्र के विकास में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट की भूमिका निर्णायक मानी जा रही है। एयरपोर्ट के निर्माण और संचालन से न केवल कनेक्टिविटी बेहतर होगी, बल्कि यह क्षेत्र एक बड़े लॉजिस्टिक्स और ट्रांजिट हब के रूप में विकसित होगा। एयरपोर्ट के कारण आसपास के इलाकों में जमीन की मांग तेजी से बढ़ी है और प्रॉपर्टी की कीमतों में लगातार उछाल देखा जा रहा है। रियल एस्टेट सेक्टर में जबरदस्त उछाल यमुना औद्योगिक क्षेत्र में रेजिडेंशियल और कमर्शियल प्रोजेक्ट्स की संख्या तेजी से बढ़ रही है। बड़े डेवलपर्स टाउनशिप, प्लॉटिंग स्कीम और ग्रुप हाउसिंग प्रोजेक्ट लॉन्च कर रहे हैं। निवेशकों के लिए यह क्षेत्र “फ्यूचर ग्रोथ जोन” बन चुका है, जहां बेहतर रिटर्न की संभावनाएं जताई जा रही हैं। खासकर एयरपोर्ट और औद्योगिक प्रोजेक्ट्स के आसपास के क्षेत्रों में निवेश की मांग सबसे अधिक है। बेहतर कनेक्टिविटी से बढ़ी रफ्तार यमुना एक्सप्रेसवे के जरिए दिल्ली, नोएडा, आगरा और अन्य प्रमुख शहरों से उत्कृष्ट कनेक्टिविटी इस क्षेत्र की सबसे बड़ी ताकत है। इसके अलावा प्रस्तावित मेट्रो विस्तार, नई सड़क परियोजनाएं और फ्रेट कॉरिडोर इस क्षेत्र को और अधिक सुगम और निवेश के अनुकूल बना रहे हैं। सरकारी नीतियों का मिल रहा पूरा लाभ प्रदेश सरकार द्वारा लागू की गई औद्योगिक नीतियां, सिंगल विंडो सिस्टम और निवेशकों को दी जा रही रियायतें इस क्षेत्र में निवेश को आकर्षित कर रहीं हैं। इंफ्रास्ट्रक्चर, बिजली, पानी, सुरक्षा और डिजिटल कनेक्टिविटी जैसी मूलभूत सुविधाओं को मजबूत करने पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है, जिससे उद्योगों को अनुकूल वातावरण मिल रहा है। रोजगार और शहरीकरण का नया केंद्र डाटा सेंटर, फिल्म सिटी, मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स और एयरपोर्ट जैसे मेगा प्रोजेक्ट्स के चलते लाखों युवाओं के लिए प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर पैदा होंगे। तेजी से हो रहा शहरीकरण इस क्षेत्र को आने वाले वर्षों में उत्तर भारत का सबसे बड़ा औद्योगिक और रीयल एस्टेट हब बना सकता है।