samacharsecretary.com

नियद नेल्लानार गांवों के 14 ग्रामीणों के जीवन में आई रोशनी

रायपुर. मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के “सुशासन“ और “अंत्योदय“ के संकल्प को साकार करते हुए सुकमा जिले के दूरस्थ नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार निरंतर जारी है। इसी कड़ी में जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के  मार्गदर्शन में  जिले के 14 मोतियाबिंद मरीजों का सफल उपचार कराकर उनके जीवन में नई रोशनी लाई गई है। शासन की महत्वाकांक्षी “नियद नेल्लानार“ (आपका अच्छा गांव) योजना के तहत विशेष स्वास्थ्य शिविरों के माध्यम से कोंटा विकासखंड में स्थित दूरस्थ गांव मुकर्रम, पटेलपारा, सरपंचपारा और किस्टाराम जैसे पहुंचविहीन क्षेत्रों के मरीजों की पहचान की गई थी। इन चिन्हित 14 मरीजों को जिला प्रशासन द्वारा विशेष वाहन की व्यवस्था कर बेहतर उपचार हेतु जगदलपुर मेडिकल कॉलेज भेजा गया, जहाँ उनका सफल ऑपरेशन संपन्न हुआ। ऑपरेशन के पश्चात सभी मरीजों को आई असिस्टेंट की देखरेख में जगरगुंडा और किस्टाराम से सुरक्षित जिला अस्पताल सुकमा लाया गया है। डॉक्टरों के अनुसार, मरीजों की रिकवरी और बेहतर फॉलो-अप के लिए उन्हें अगले 4 दिनों तक जिला अस्पताल में विशेषज्ञों की निगरानी में रखा जाएगा। इस दौरान मरीजों के ठहरने और भोजन की निरूशुल्क व्यवस्था जिला प्रशासन के द्वारा की गई है। स्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन का यह प्रयास दर्शाता है कि नियद नेल्लानार योजना के माध्यम से अब शासन की योजनाएं केवल कागजों तक सीमित नहीं हैं, बल्कि सुदूर वनांचलों के अंतिम व्यक्ति तक सीधे पहुँच रही हैं। स्वास्थ्य लाभ प्राप्त करने वाले मरीजों ने इस संवेदनशील पहल के लिए मुख्यमंत्री, स्वास्थ्य मंत्री और जिला प्रशासन का आभार व्यक्त किया है।

केंद्रीय मंत्री शिवराज स्मारक महोत्सव के लिए पहुंचे

रायपुर. केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान रायपुर पहुंचे और राजनांदगांव रवाना हुए. जहां वे प्रतिभास्थली स्कूल परिसर में आयोजित अखिल भारतीय विश्वगुरु जैनाचार्य विद्यासागर समाधि स्मारक महोत्सव में शामिल होंगे. कार्यक्रम के बाद मंत्री शाम को रायपुर लौटकर दिल्ली के लिए प्रस्थान करेंगे. भारतीय जनता पार्टी की राष्ट्रीय महिला समन्वय समिति की बैठक एवं कार्यशाला का आयोजन आज दिल्ली स्थित भाजपा राष्ट्रीय कार्यालय में किया जाएगा. इस महत्वपूर्ण बैठक में भाजपा राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एवं विधायक लता उसेंडी, भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष एवं सांसद रूपकुमारी चौधरी, कैबिनेट मंत्री लक्ष्मी रजवाड़े, प्रदेश अध्यक्ष महिला मोर्चा विभा अवस्थी, महिला आयोग सदस्य सरला कोसरिया छत्तीसगढ़ प्रदेश की ओर से शामिल होंगी. बैठक एवं कार्यशाला के दौरान महिला सशक्तिकरण, संगठनात्मक गतिविधियों तथा आगामी कार्ययोजनाओं पर विस्तृत चर्चा की जाएगी.

मालगाड़ी दुर्घटनाग्रस्त होने से विशाखापत्तनम का रेल आवागमन ठप

जगदलपुर. किरंदुल-कोट्टावालसा रेललाइन पर ओडिशा के कोरापुट जंक्शन आउटर में मालगाड़ी के दो डिब्बे पटरी से उतर गए है। घटना रात नौ बजे हुई। मालगाड़ी किरंदूल से लौह अयस्क भरकर विशाखापत्तनम जा रही थी। घटना डाउन लाइन में हुई है। इस लाइन में रेल आवागमन ठप है। घटना होने से किरंदूल विशाखापत्तनम नाइट एक्सप्रेस को जड़ती स्टेशन में रोक दिया गया है। दुर्घटना का कारण अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है। मौके पर कोरापुट के रेल अधिकारी पहुंच गए हैं। जगदलपुर से रेल अधिकारी रवाना हुए हैं। नाइट एक्सप्रेस को अप लाइन से ही निर्धारित मार्ग या फिर रायगढ़ा विजयनगरम परिवर्तित मार्ग से भेजा जा सकता है।

रायपुर में काटने की शिकायत पर आवारा कुत्तों को पकड़ा

रायपुर. नगर पालिक निगम रायपुर द्वारा एनिमल बर्थ कण्ट्रोल (एबीसी) कार्यक्रम को निरंतर एवं प्रभावी रूप से क्रियान्वित किया जा रहा है। जिसके अंतर्गत प्रतिदिन औसतन 15-20 आवारा श्वानों को पकडकर उनका टीकाकरण, नसबंदी (डिवार्मिंग / स्टेरिलाईजेशन) किया जा रहा है, जिससे आवारा श्वानों की संख्या नियंत्रण में लायी जा सके तथा नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित हो। चंद्रशेखर आजाद वार्ड के सम्बंधित क्षेत्र से शिकायत प्राप्त होते ही नगर पालिक निगम, रायपुर की डॉग कैचिंग टीम द्वारा त्वरित कार्यवाही करते हुए आवारा श्वानों को पकड़ा गया, जिनका नियमानुसार टीकाकरण /बधियाकरण / डिवार्मिंग की कार्यवाही की जायेगी। निगम को निदान 1100, आमजन एवं अन्य माध्यमों से प्राप्त शिकायतों का त्वरित निराकरण प्राथमिकता के आधार पर किया जा रहा है। उक्त कार्यवाही माननीय उच्चतम न्यायालय द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के पूर्ण परिपालन में की जा रही है। इसी कड़ी में नगर पालिक निगम, रायपुर के समस्त जोनों के अंतर्गत सभी वार्डों में श्वानों के लिए फीडिंग स्थल चिह्नांकित कर लिए गए हैं तथा संबंधित स्थलों पर सूचना बोर्ड भी चस्पा कर दिए गए हैं, ताकि निर्धारित स्थानों पर ही भोजन व्यवस्था सुनिश्चित हो एवं अनियंत्रित भोजन वितरण से उत्पन्न समस्याओं पर प्रभावी नियंत्रण किया जा सके। नगर पालिक निगम, रायपुर द्वारा यह सतत प्रयास किया जा रहा है कि पशु कल्याण के साथ-साथ नागरिकों की सुरक्षा, स्वच्छता एवं जनसुविधा बनी रहे। भविष्य में भी उक्त कार्यक्रम को और अधिक सुदृढ़ करते हुए सतत रूप से जारी रखा जाएगा।

चाकू दिखाकर स्कूली छात्रा का अपहरण कर छेड़छाड़

रायगढ़. जिले में बालिकाओं की सुरक्षा को लेकर रायगढ़ पुलिस बेहद सख्त और सतर्क है। महिला थाना और कोतवाली पुलिस की संयुक्त टीम ने बालिका से छेड़छाड़ और जबरन उठाने के गंभीर मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी युवक शाकिब खान (24 साल) निवासी पूरी बगीचा चांदमारी रायगढ़ को हिरासत में ले लिया है। पीड़ित बालिका ने महिला थाना में दिए लिखित आवेदन में बताया कि वह आरोपी को पहले से जानती-पहचानती है और शाकिब बीते दो वर्षों (वर्ष 2023 से) लगातार जबरन बातचीत करता था, रास्ते में पीछा कर परेशान करता था। इसकी जानकारी उसने अपने परिजनों को दी थी, जिसके बाद उसके पिता उसे स्कूल छोड़ने जाने लगे थे। बालिका ने बताया कि वर्ष 2023 में भी आरोपी द्वारा उसके साथ छेड़छाड़ की गई थी, जिससे वह मानसिक रूप से काफी परेशान रहने लगी थी। बालिका के अनुसार 26 जनवरी को तबीयत खराब होने के बावजूद वह स्कूल गई थी। गणतंत्र दिवस रैली के दौरान अस्वस्थ होने के कारण वह स्कूल में ही रुकी रही और सुबह करीब 9 बजे मैडम से अनुमति लेकर घर के लिए निकली। इसी दौरान आरोपी शाकिब खान सफेद रंग की ईको कार से पहुंचा, गाड़ी से उतरकर चाकू जैसे हथियार से डराया-धमकाया और जबरन गाड़ी में बैठाकर पहाड़ मंदिर मार्ग की ओर ले गया, जहां गलत नियत से छेड़छाड़ की। इसके बाद दोपहर करीब 1 बजे स्कूल के सामने गली में छोड़कर फरार हो गया और घटना किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी दी। पुलिस कार्यवाही आरोपी धरपकड़ घटना की जानकारी मिलने पर बालिका ने अपने शिक्षक और परिजनों को पूरी बात बताई, जिसके बाद महिला थाना में अपराध क्रमांक 05/2026 धारा 137(2), 74, 75(2), 78(2) भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) 2023 एवं 8 पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया। प्रकरण एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह के संज्ञान में आते ही तत्काल कोतवाली थाना और महिला थाना स्टाफ को आरोपी की गिरफ्तारी में लगाया गया। पुलिस टीम ने त्वरित घेराबंदी कर आरोपी शाकिब खान को दबोच लिया। महिला थाना प्रभारी उप निरीक्षक दीपिका निर्मलकर द्वारा पीड़िता से विस्तृत पूछताछ कर घटनास्थल का निरीक्षण कराया गया तथा वीडियो बयान लिया गया। आरोपी के मेमोरेंडम पर घटना में प्रयुक्त चाकू और ईको कार सीजी 13 बी बी 1840 को जब्त किया गया है। आरोपी को न्यायिक रिमांड पर भेजने की प्रक्रिया की जा रही है। इस संपूर्ण कार्यवाही में थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक सुखनंदन पटेल, महिला थाना प्रभारी उप निरीक्षक दीपिका निर्मलकर, सहायक उप निरीक्षक विल्फ्रेड मसीह, संदीप भगत और हमराह स्टाफ की अहम भूमिका रही है। एसएसपी रायगढ़ शशि मोहन सिंह ने स्पष्ट कहा कि “ जिला पुलिस बच्चों और महिलाओं की सुरक्षा को लेकर पूरी तरह सजग है। बालिकाओं से छेड़छाड़, छींटाकशी या किसी भी प्रकार की आपराधिक हरकत बर्दाश्त नहीं की जाएगी और ऐसे तत्वों के खिलाफ पुलिस सख्त से सख्त कार्रवाई करेगी। बालिका से छेड़खानी करने वाले आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया है। ” बालिका एवं परिजन ऐसी घटनाओं की सूचना बेझिझक पुलिस को दें जिससे ऐसे तत्वों पर सख्त कार्यवाही की जा सके और ऐसी घटनाओं को लगाम लगाया जा सकें।

मुख्यमंत्री साय ने कांसाबेल में किया स्मार्ट क्लास रूम का शुभारंभ

शासकीय विद्यालयों में 206 इंटरएक्टिव पैनल लगाए जाएंगे रायपुर, जशपुर जिले के स्कूली बच्चे अब स्मार्ट क्लास रूम के जरिए पढ़ाई करेंगे। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज कांसाबेल के सरस्वती शिशु मंदिर में स्मार्ट क्लास रूम का शुभारंभ किया। इस परियोजना के लिए एसईसीएल द्वारा सीएसआर मद से 5 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई है, जिसके अंतर्गत जिले के शासकीय विद्यालयों में 206 इंटरएक्टिव पैनल लगाए जाएंगे। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि आधुनिक तकनीक के माध्यम से शिक्षा को रोचक एवं प्रभावी बनाना समय की आवश्यकता है, ताकि ग्रामीण एवं दूरस्थ अंचलों के बच्चों को भी शहरों के समान बेहतर शैक्षणिक संसाधन उपलब्ध कराए जा सकें। उन्होंने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि इससे विद्यार्थियों में नवाचार, जिज्ञासा एवं तकनीकी दक्षता का विकास होगा, जो उनके उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव बनेगा। इस अवसर पर कार्यक्रम में विधायक श्रीमती गोमती साय सहित अनेक जनप्रतिनिधिगण उपस्थित थे।          अधिकारियों ने बताया कि एमओयू के तहत जशपुर जिले के चयनित शासकीय विद्यालयों में चरणबद्ध रूप से इंटरएक्टिव पैनल स्थापित किए जाएंगे। इन उपकरणों के माध्यम से शिक्षक डिजिटल कंटेंट, वीडियो, प्रेजेंटेशन एवं ई-लर्निंग संसाधनों का उपयोग कर कक्षाओं को अधिक रोचक, सरल एवं प्रभावी बना सकेंगे। इस पहल से जिले के सैकड़ों विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण डिजिटल शिक्षा की बेहतर सुविधा प्राप्त होगी। उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री की पहल पर जशपुर जिले के शासकीय विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण एवं आधुनिक शिक्षण सुविधाएं उपलब्ध कराने की दृष्टिकोण से विगत माह जिला प्रशासन एसईसीएल एवं ईडूसीआईएल के मध्य त्रिपक्षीय एमओयू पर हस्ताक्षर हुए थे।  

एक मॉडल सामुदायिक पर्यटन स्थल के रूप में ग्राम केरे को किया जाएगा विकसित

रायपुर, जशपुर जिले को एक प्रमुख इको-पर्यटन गंतव्य के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की उपस्थिति में आज मुख्यमंत्री कैम्प कार्यालय बगिया में आयोजित कार्यक्रम में भारत के अग्रणी होमस्टे प्लेटफॉर्म होमस्टेज़ ऑफ इंडिया, छत्तीसगढ़ शासन और जशपुर जिला प्रशासन के साथ एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किया गया। इसके अंतर्गत ग्राम केरे को एक मॉडल सामुदायिक पर्यटन ग्राम के रूप में विकसित किया जाएगा। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने ग्राम केरे में तैयार किए गए होमस्टे का शुभारंभ किया गया।   एमओयू के अंतर्गत जशपुर का पहला संगठित होमस्टे ग्राम बनाने की दिशा में कार्य होगा। एक सुव्यवस्थित एवं विस्तार योग्य होमस्टे-आधारित ग्रामीण पर्यटन पारिस्थितिकी तंत्र की स्थापना होगी। इस पहल के माध्यम से स्थानीय परिवारों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी, सतत आजीविका को सुदृढ़ किया जाएगा तथा क्षमता निर्माण और कौशल विकास के जरिए युवाओं एवं महिलाओं में उद्यमिता को प्रोत्साहन दिया जाएगा। इस परियोजना का मूल उद्देश्य स्थानीय संस्कृति, परंपराओं एवं प्राकृतिक विरासत का संरक्षण एवं संवर्धन करना है, ताकि पर्यटन विकास समावेशी, समुदाय-स्वामित्व वाला और पर्यावरण की दृष्टि से सतत बना रहे तथा क्षेत्र की सांस्कृतिक पहचान सुरक्षित रहे। मुख्यमंत्री श्री साय की उपस्थिति में हुए इस समझौता का ज्ञापन पर कलेक्टर जशपुर श्री रोहित व्यास तथा मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री विनोद वर्मा और होमस्टेज़ ऑफ इंडिया प्रा. लि. के प्रतिनिधियों ने हस्ताक्षर किए।  अधिकारियों ने बताया कि यह पहल राज्य सरकार की इको-पर्यटन, समावेशी विकास एवं समुदाय-नेतृत्व वाले आर्थिक विकास की परिकल्पना के अनुरूप है। स्थानीय संस्कृति और प्रकृति पर आधारित प्रामाणिक पर्यटन अनुभवों के माध्यम से यह परियोजना जशपुर की पहचान को सशक्त करेगी और उसे राष्ट्रीय स्तर पर मुख्य पर्यटन मानचित्र में स्थापित करने में सहायक होगी।

रायपुर साहित्य उत्सव में समाज और सिनेमा विषय पर केंद्रित रोचक परिचर्चा में उमड़ी श्रोताओं की भीड़

सिनेमाजगत के प्रसिद्ध निर्देशक अनुराग बसु और चाणक्य सीरियल के निर्माता चंद्रप्रकाश द्विवेदी हुए शामिल लोग रिस्क लेकर सामाजिक सरोकार से जुड़ा सिनेमा बनाते हैं : निर्देशक अनुराग बसु सिनेमा को देखने का मापदंड बदल गया है : निर्माता चंद्रप्रकाश द्विवेदी रायपुर,  रायपुर साहित्य उत्सव के अंतर्गत समाज और सिनेमा विषय पर केंद्रित परिचर्चा को सुनने के लिए बड़ी संख्या में श्रोता अनिरुद्ध नीरव मंडप में पहुंचे, जिसमें हिंदी सिनेमाजगत के प्रसिद्ध लेखक-निर्देशक अनुराग बसु, इतिहासकार-पटकथा लेखक एवं निर्माता डॉ. चंद्रप्रकाश द्विवेदी और सिनेमा लेखक अनंत विजय ने हिस्सा लिया। परिचर्चा के सूत्रधार छत्तीसगढ़ के जाने-माने लेखक-निर्देशक मनोज वर्मा रहे। हिंदी सिनेमाजगत के निर्देशक अनुराग बसु ने परिचर्चा में भाग लेते हुए सिनेमा को एक ऐसा औजार बताया, जो बिगड़े हुए समाज को शेप दे सकता है। उन्होंने कहा कि लोग रिस्क लेकर ऐसे सिनेमा बनाते हैं। अगर हम सिनेमा से सामाजिक सरोकार की अपेक्षा करते हैं, तो बहुत से लेखक-निर्देशक आज भी इस दायित्व को निभाते आ रहे हैं। श्री बसु ने कहा कि 90 के दशक में जितने सिनेमा बनते थे, आज भी उतने ही बनते हैं, बल्कि फिल्मों की संख्या और अधिक है। आज सिनेमा के पास ज्यादा टेक्नोलॉजी है, लेकिन कहानियां भी वही हैं। अब नई कहानियां सामने आ रही हैं, नए विषयों पर फिल्में बन रही हैं। हम यदि किसी लेखक-निर्देशक की बनाई किसी फ़िल्म को अच्छा या बुरा कहते हैं, तो यह हमारा व्यक्तिगत विचार है, क्योंकि उसने पूरी ईमानदारी से फ़िल्म बनाई है और उसके हिसाब से वह फ़िल्म अच्छी बनी है। बसु ने आगे कहा कि हम जब भी फ़िल्मों की बात करते हैं, तो पसंद-नापसंद की बात अपने आप ही सामने आ जाती है। उन्होंने फ़िल्मों को समाज का जरूरी हिस्सा बताया। परिचर्चा में अपने संबोधन के दौरान डॉ. चंद्रप्रकाश द्विवेदी ने कहा कि आज फ़िल्म के हिट और फ्लॉप होने की बात अधिक होती है। सिनेमा को देखने का मापदंड बदल गया है। सिनेमा का सामाजिक सरोकार नहीं रहा। सिनेमा आपके प्रश्नों को तभी उठाएगा, जब उससे सिनेमा को बड़ा लाभ होगा। सिनेमा का दौर बदल रहा है। श्री द्विवेदी ने कहा कि आज के समय में आप चाणक्य नहीं बना सकते। हिंदी सिनेमा में हिंदी का स्तर कहां तक पहुंचा है, यह एक बड़ी चुनौती है। सभी सिनेमा को सरल करने की बात करते हैं, हिंदी में अंग्रेजी शब्दों का प्रयोग होता है। उन्होंने अपने अनुभव से जोड़ते हुए बताया कि बायोग्राफी भी उन्हीं पर बन रही हैं, जिनसे बड़े फायदे हों। उन्होंने उपनिषद गंगा सीरियल का उल्लेख करते हुए बताया कि उपनिषद गंगा में बहुत गंभीर काम है, जबकि चाणक्य में उस समय की सच्चाई दिखाई देती है। इस सत्र पर सिनेमा लेखक अनंत विजय ने कहा कि सिनेमा कोई एलाइट माध्यम नहीं है। जब तक हम फ़िल्म नहीं देखते, तब तक चर्चा नहीं होती। आजकल लोग फ़िल्म देखते नहीं, सिर्फ चर्चा करते हैं। प्रेम में वैज्ञानिकता नहीं ढूंढी जाती। फ़िल्मों की कहानी और पात्रों से लोग भावनात्मक जुड़ाव रखते हैं। यही जुड़ाव फ़िल्मों की कॉमर्शियल और सोशल वैल्यू तय करता है।  

इंटरनेट की इस दुनिया में प्रिंट और साहित्य का महत्व हमेशा रहेगा : राज्यपाल डेका

रायपुर साहित्य उत्सव के समापन समारोह में शामिल हुए राज्यपाल रायपुर, राज्यपाल रमेन डेका ने कहा है कि  इंटरनेट से भरी इस दुनिया और न्यू जनरेशन वाले इस दौर में भी प्रिंट और साहित्य का महत्व हमेशा बना रहेगा। राज्यपाल डेका ने आज नवा रायपुर के पुरखौती मुक्तांगन परिसर में तीन दिवसीय रायपुर साहित्य उत्सव ‘आदि से अनादि‘ के समापन समारोह के अवसर पर उक्त विचार व्यक्त किए। राज्यपाल ने कहा कि साहित्य और कविता में हमेशा एक संदेश होना चाहिए। जिस तरह संगीत के सात स्वर हमें जोड़े रखते है उसी तरह साहित्य का आदान-प्रदान नई बातों का सीखने का अवसर  प्रदान करता है।  समापन समारोह में मुख्य अतिथि की आसंदी से राज्यपाल ने कहा कि पिछले तीन दिनों में इस मंच पर बहुत अच्छी और सार्थक चर्चाएं हुईं। विचारों का खुलकर आदान-प्रदान हुआ। सबने मिलकर साहित्य, समाज और जीवन से जुड़े कई विषयों पर बात की। यह उत्सव सभी साहित्य प्रेमियों के लिए एक यादगार और सीखने वाला अनुभव रहा है। इस दौरान कई महत्वपूर्ण पुस्तकों का विमोचन भी हुआ। देश भर से आए नामी प्रकाशकों ने यहां किताबों का बहुत सुंदर संग्रह प्रस्तुत किया। पाठकों को नई-नई किताबें देखने और पढ़ने का अच्छा मौका मिला। यह देखकर अच्छा लगता है कि आज भी लोगों में किताबों के प्रति गहरी रुचि है। श्री डेका ने कहा साहित्य और संगीत का आदान प्रदान जरूरी है और ऐसे साहित्य का उत्सव हमेशा होना चाहिए। उन्होंने तीन दिवसीय सफल आयोजन के लिए सभी को बधाई देते हुए कहा कि इस तरह के आयोजन राज्य के अन्य शहरों एवं गांवांे के स्तर तक भी किया जाना चाहिए और यह आयोजन सरकारी न होकर समुदाय की भागीदारी वाले होने चाहिए। श्री डेका ने कहा कि आज की पीढ़ी छत्तीसगढ़ के रामायण कालीन संस्कृति एवं साहित्य को भूल गयी है। हमारा राज्य बहुत सुंदर है और यहां की संस्कृति भी बहुत समृद्ध है। इसका प्रचार प्रसार होना चाहिए ताकि राज्य के बाहर के लोग यहां के बारे में जान सकें। डेका ने कहा कि शब्दों में बहुत शक्ति होती है। शब्द का रूप ब्रह्म है। उन्हांेने बंकिमचंद्र चटर्जी के वंदे मातरम गीत का उल्लेख किया और कहा कि सारे देश को इन दो शब्दों ने जागृत कर दिया था। उन्होंने कहा कि साहित्य हमें जोड़ता है, हमें सोचने की नई दिशा देता है और हमें बेहतर इंसान बनने की प्रेरणा देता है।  हम सभी साहित्य को अपने जीवन का हिस्सा बनाएं, संवाद की परंपरा को आगे बढ़ाएं और विचारों की यह रोशनी लगातार जलाए रखें। उन्होंने उपस्थित लोगों से आग्रह किया कि वे अपने जीवन में कम से कम एक ऐसा कार्य अवश्य करें, जो बिना किसी लेन-देन या व्यक्तिगत स्वार्थ के हो। ऐसे कार्य देश और समाज के समग्र विकास को मजबूती प्रदान करते हैं। समापन समारोह में विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित वित्त मंत्री ओ. पी. चौधरी ने कहा कि छत्तीसगढ़ में साहित्य की अविरल धारा बहती रही है। कालीदास, रविन्द्रनाथ टैगोर जैसे कवि एवं साहित्यकारों का इतिहास भी छत्तीसगढ़ से जुड़ा हुआ है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में भी इस तरह के आयोजन अनवरत किए जाते रहेंगे।   समापन समारोह की अध्यक्षता प्रख्यात रंगकर्मी, नाट्य लेखक डॉ. सच्चिदानंद जोशी ने की। इस अवसर पर फिल्म अभिनेता एवं निर्देशक डॉ. चंद्र प्रकाश द्विवेदी, फिल्म निर्माता-निर्देशक अनुराग बसु विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित थे। इस अवसर पर मुख्यमंत्री के सलाहकार आर कृष्णा दास, मीडिया सलाहकार पंकज झा , राज्यपाल के सचिव डॉ. सी. आर. प्रसन्ना, राज्यपाल के विधिक सलाहकार भीष्म प्रसाद पाण्डेय, छत्तीसगढ़ साहित्य अकादमी के अध्यक्ष शशांक शर्मा सहित गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।