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खाद संकट या पर्याप्त भंडार? पंजाब में यूरिया और DAP की उपलब्धता पर छिड़ा राजनीतिक घमासान

 चंडीगढ़ पंजाब में यूरिया व डीएपी खाद की कमी की अटकलों का केंद्र सरकार ने विरोध किया है। केंद्र ने पुष्टि की है कि खरीफ 2026 सीजन के लिए पंजाब में यूरिया और डीएपी खाद की आवश्यक मात्रा उपलब्ध है। यह जवाब भाजपा पंजाब के अध्यक्ष केवल सिंह ढिल्लों की ओर से बीती 10 जून 2026 को केंद्रीय रसायन एवं उर्वरक मंत्री को लिखे गए पत्र के जबाव में आया है। दरअसल, 23 जून 2026 को केंद्र सरकार के रसायन एवं उर्वरक मंत्रालय की संयुक्त सचिव वंदना प्रेयशी ने ढिल्लों को बताया कि पंजाब को 11,45,000 मीट्रिक टन यूरिया और 1,80,000 मीट्रिक टन डीएपी उपलब्ध करवाई गई है जो राज्य की आवश्यकता से भी अधिक है। वर्तमान में राज्य के पास 4,27,000 मीट्रिक टन यूरिया और 98,000 मीट्रिक टन डीएपी का क्लोजिंग स्टॉक मौजूद है। खाद किसानों तक पहुंचाने की मांग ढिल्लों ने कहा मोदी सरकार ने एक बार फिर साबित किया है कि पंजाब का किसान उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। ढिल्लों का कहना है कि उनकी तरफ से भेजे गए पत्र का कुछ ही दिनों में केंद्र ने स्पष्ट जवाब दिया है। अब सवाल यह है कि क्या आप सरकार इस खाद को जिला और ब्लाक स्तर तक किसानों तक पहुंचाएगी या नहीं। समयबद्ध वितरण व्यवस्था सुनिश्चित करे सरकार  ढिल्लों ने चेतावनी दी कि उर्वरक (नियंत्रण) आदेश 1985 और आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 के तहत जमाखोरी, कालाबाजारी और ऊंचे दामों पर बिक्री के खिलाफ कार्रवाई करना राज्य सरकार की पूरी जिम्मेदारी है। यदि किसानों तक खाद नहीं पहुंचती, तो इसकी सीधी जिम्मेदारी भगवंत मान सरकार की होगी। भाजपा पंजाब मांग करती है कि आप सरकार सभी 117 विधानसभा क्षेत्रों में खाद की पारदर्शी और समयबद्ध वितरण व्यवस्था सुनिश्चित करे।

पंजाब में हथियारों का बड़ा नेटवर्क बेनकाब, अफगानी नागरिक सहित 7 लोग अरेस्ट

अमृतसर. अमृतसर पुलिस और केंद्रीय एजेंसी की संयुक्त कार्रवाई में हथियार, हेरोइन और हवाला नेटवर्क का भंडाफोड़ हुआ। एक अफगान नागरिक और एक किशोर समेत सात आरोपित गिरफ्तार किए हैं. पुलिस के अनुसार आरोपितों के पास से कुल 10 अत्याधुनिक हथियार बरामद हुए हैं। इनमें दो सब मशीन गन भी शामिल हैं। इसके अलावा 5.048 किलोग्राम हेरोइन और 30.38 लाख रुपये की हवाला राशि भी जब्त की गई है। बरामदगी को हाल के समय की बड़ी सफलताओं में से एक माना जा रहा है। विदेश में बैठे नेटवर्क के संचालक प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि यह पूरा नेटवर्क विदेश में बैठे संचालकों के इशारों पर काम कर रहा था। आरोपित सामाजिक माध्यमों के जरिए विदेशी हैंडलरों के संपर्क में थे और उनके निर्देशों के अनुसार काम करते थे। जांच एजेंसियों को संदेह है कि आरोपितों को समय-समय पर हथियार और नशीले पदार्थों की खेप उपलब्ध कराई जाती थी, जिसे वे आगे अपराधी तत्वों तक पहुंचाते थे। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक यह गिरोह केवल नशीले पदार्थों और हथियारों की तस्करी तक सीमित नहीं था, बल्कि हवाला के जरिए वित्तीय लेन-देन भी करता था। विभिन्न स्थानों पर धन पहुंचाने और भुगतान लेने के लिए हवाला तंत्र का इस्तेमाल किया जाता था। इसी माध्यम से विदेश में बैठे संचालकों और स्थानीय नेटवर्क के बीच आर्थिक गतिविधियां संचालित की जाती थीं। आरोपियों से पूछताछा जारी मामले में इस्लामाबाद थाना में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पुलिस अब गिरफ्तार आरोपितों से गहन पूछताछ कर रही है ताकि नेटवर्क के अन्य सदस्यों की पहचान की जा सके। जांच एजेंसियां इस बात का भी पता लगा रही हैं कि अब तक इस गिरोह ने कितनी खेपों की आपूर्ति की और किन-किन लोगों तक हथियार तथा नशीले पदार्थ पहुंचाए गए। अधिकारियों का कहना है कि जांच का दायरा लगातार बढ़ाया जा रहा है। नेटवर्क की पिछली और आगे की कड़ियों को जोड़ने, विदेशी संचालकों की भूमिका स्पष्ट करने तथा अन्य सहयोगियों की पहचान के लिए विशेष टीमें काम कर रही हैं। आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियां तथा अतिरिक्त बरामदगी होने की संभावना से भी इनकार नहीं किया जा रहा।

पंजाब में गर्मी और बारिश का डबल अटैक, लुधियाना-पठानकोट में बरसे बादल, कई जिलों में अलर्ट जारी

अमृतसर  पंजाब में गर्मी व बारिश एक साथ देखने को मिल रही हैं। बुधवार जहां राज्य के कई हिस्सों में बादल छाए रहे व बारिश हुई, वहीं अधिकतम तापमान एक बार फिर 41 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया। हालांकि वेस्टर्न डिस्टरबेंस के प्रभाव के चलते आने वाले दिनों में कई जिलों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं की संभावना बनी हुई है।चंडीगढ़ में मौसम का मिजाज बदला हुआ है। लुधियाना और पठानकोट में गुरुवार को बारिश हुई, जबकि जालंधर समेत कई इलाकों में तेज हवाएं चल रही हैं। मौसम विज्ञान केंद्र चंडीगढ़ ने आज (25 जून) और कल के लिए राज्य में बारिश, आंधी और गरज-चमक का यलो अलर्ट जारी।  मौसम विभाग ने 25 और 26 जून के लिए राज्य के कई हिस्सों में यलो अलर्ट जारी किया है। इस दौरान राज्य के कई जिलों में बारिश का असर देखने को मिलेगा। लेकिन 27 जून से मौसम सामान्य रहने का अनुमान है। मौसम विभाग की तरफ से जारी बुलेटिन के अनुसार बुधवार को राज्य के अधिकतम तापमान में औसतन 0.7 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि दर्ज की गई, हालांकि ये सामान्य के करीब बना हुआ हे। बठिंडा रहा सबसे गर्म राज्य में सबसे अधिक तापमान बठिंडा क्षेत्र में 41.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। इसके अलावा फाजिल्का में 40.4 डिग्री, पठानकोट में 40.0 डिग्री, फरीदकोट में 39.5 डिग्री, बठिंडा शहर में 39.5 डिग्री और फिरोजपुर में 38.9 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया। प्रमुख शहरों में चंडीगढ़ का अधिकतम तापमान 39.8 डिग्री, पटियाला 38.6 डिग्री, लुधियाना 37.8 डिग्री और अमृतसर 37.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। वहीं श्री आनंदपुर साहिब क्षेत्र में 30.5 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई, जबकि पटियाला, पठानकोट, मोहाली और अन्य कुछ क्षेत्रों में हल्की बारिश हुई। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, पंजाब के 12 जिलों में आंधी, गरज-चमक और बिजली गिरने का अलर्ट जारी किया गया है। इनमें पठानकोट, गुरदासपुर, अमृतसर, तरनतारन, होशियारपुर, नवांशहर, कपूरथला, जालंधर, लुधियाना, फतेहगढ़ साहिब, रूपनगर और मोहाली शामिल हैं। वहीं, राज्य के 15 जिलों में बारिश की संभावना जताई गई है। इनमें पठानकोट, गुरदासपुर, अमृतसर, तरनतारन, होशियारपुर, नवांशहर, कपूरथला, जालंधर, लुधियाना, बरनाला, संगरूर, फतेहगढ़ साहिब, रूपनगर, पटियाला और मोहाली शामिल हैं। 33 फीसदी कम बारिश दर्ज पंजाब में पिछले 24 घंटों के दौरान सबसे अधिक 30.5 मिमी बारिश श्री आनंदपुर साहिब (रूपनगर) में दर्ज की गई। इसके अलावा पठानकोट, थेन डैम (पठानकोट) और मोहाली में 1-1 मिमी, जबकि पटियाला में 0.6 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। अमृतसर में केवल ट्रेस बारिश दर्ज हुई, जबकि राज्य के अधिकांश अन्य जिलों में बारिश नहीं हुई। राज्य में अब तक सामान्य औसत 35.7 मिमी के मुकाबले 33 प्रतिशत कम वर्षा हुई है। यानी इस सीजन में पंजाब में सामान्य से कम बारिश दर्ज की गई है। हालांकि पिछले कुछ दिनों के दौरान कई जिलों में बारिश की गतिविधियां बढ़ी हैं, जिससे मौसम में बदलाव देखने को मिला है। जानिए गर्मी के दो असर:-     पंजाब में कुछ जिलों में बारिश होने के बावजूद उमस में काफी बढ़ोतरी दर्ज की गई। वहीं, धान की रोपाई का काम भी जोरों पर है। ऐसे में बिजली की मांग बढ़कर 15 हजार मेगावाट के पार पहुंच गई। शाम 6:30 बजे बिजली की मांग 14,790 मेगावाट दर्ज की गई, जो रात 8 बजे बढ़कर 14,972 मेगावाट और पौने 9 बजे 15,150 मेगावाट तक पहुंच गई। इस दौरान पंजाब ने 49,717 मेगावाट बिजली का उत्पादन किया, जबकि केंद्र से 10,051 मेगावाट बिजली प्राप्त की गई। शुरुआत में बिजली की मांग 9,700 मेगावाट रहने का अनुमान था, लेकिन खपत बढ़ने के कारण अतिरिक्त बिजली लेनी पड़ी।     रोपड़ के चार में से एक यूनिट व लहरा मोहब्बत के चार में से दो यूनिट बंद हैं। जबकि बाकी नियमित रूप से चल रहे हैं। हाइड्रो से 877 मेगावाट उत्पादन हुआ है। ऐसी है मौसम की स्थिति पंजाब और आसपास के क्षेत्रों को प्रभावित कर रहा पश्चिमी विक्षोभ (वेस्टर्न डिस्टर्बेंस) अब पूर्व की ओर बढ़कर उत्तर-पश्चिम उत्तर प्रदेश व उससे सटे इलाकों तक पहुंच गया है। वहीं, हरियाणा के ऊपर बना ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण (साइक्लोनिक सर्कुलेशन) अब उत्तर हरियाणा के ऊपर सक्रिय है। इन मौसम प्रणालियों के प्रभाव से पंजाब के कई जिलों में गरज-चमक, तेज हवाओं और हल्की से मध्यम बारिश की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में मौसम में बदलाव बना रहने की संभावना है। तापमान बढ़ने के आसार मौसम विज्ञान केंद्र चंडीगढ़ के डायरेक्टर सुरेंद्र पाल के अनुसार, 24 से 26 जून और 29 जून तक पंजाब के कुछ इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। इस दौरान तेज हवाएं भी चल सकती हैं। उन्होंने बताया कि अगले तीन दिनों में दिन के तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी होने के आसार हैं। आज कई जिलों में यलो अलर्ट जारी 25 जून: मौसम विभाग ने अमृतसर, तरनतारन, गुरदासपुर, पठानकोट, कपूरथला, जालंधर, होशियारपुर, नवांशहर, रूपनगर, मोहाली, फतेहगढ़ साहिब, लुधियाना और आसपास के क्षेत्रों में गरज-चमक, बिजली गिरने तथा 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना जताई है। इन जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है। 26 जून:  अमृतसर, तरनतारन, गुरदासपुर, पठानकोट, कपूरथला, जालंधर, होशियारपुर, नवांशहर, मोहाली, फतेहगढ़ साहिब और लुधियाना समेत कई जिलों में गरज-चमक और तेज हवाओं का यलो अलर्ट रहेगा। दक्षिणी पंजाब के अधिकांश जिलों में मौसम अपेक्षाकृत सामान्य रहने की संभावना है। 27 और 28 जून: मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार 27 और 28 जून को पूरे पंजाब में किसी प्रकार की मौसम चेतावनी जारी नहीं की गई है। हालांकि कुछ स्थानों पर बादल छाए रहने और छिटपुट बारिश की संभावना बनी रह सकती है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि वेस्टर्न डिस्टरबेंस के सक्रिय रहने के कारण अगले दो दिनों तक मौसम में उतार-चढ़ाव देखने को मिलेगा। इससे दिन के तापमान में बहुत बड़ी गिरावट नहीं आएगी, लेकिन कई इलाकों में तेज हवाओं और बारिश के कारण लोगों को गर्मी से आंशिक राहत मिल सकती है।

पेपर लीक विवाद गरमाया, कांग्रेस ने धर्मेंद्र प्रधान को घेरा; सरकार से मांगा जवाब

चंडीगढ़. केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान बुधवार को चंडीगढ़ पहुंच गए हैं। वह दोपहर करीब 12:30 बजे सेक्टर-18 स्थित टैगोर थिएटर पहुंचेंगे, जहां भारतीय जनता पार्टी द्वारा आपातकाल की स्मृति में आयोजित कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में शामिल होंगे। धर्मेंद्र प्रधान के चंडीगढ़ दौरे को लेकर कांग्रेस और युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया है। कार्यकर्ता काले झंडे लेकर सड़कों पर उतरे और शिक्षा मंत्री के खिलाफ नारेबाजी की। कांग्रेस पेपर लीक मामलों को लेकर धर्मेंद्र प्रधान को जिम्मेदार ठहराते हुए उनके इस्तीफे की मांग कर रही है। प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं। कांग्रेस और युवा कांग्रेस के कई कार्यकर्ताओं को सेक्टर-17 क्षेत्र में ही रोक दिया गया, ताकि वे टैगोर थिएटर तक न पहुंच सकें। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार और शिक्षा मंत्री के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में सामने आए पेपर लीक मामलों से देशभर के लाखों युवाओं का भविष्य प्रभावित हुआ है। इसी मुद्दे को लेकर पार्टी पिछले कई दिनों से चंडीगढ़ के अलग-अलग हिस्सों में लगातार प्रदर्शन कर रही है। उधर, भाजपा के कार्यक्रम को लेकर टैगोर थिएटर में तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। कार्यक्रम में आपातकाल को भारतीय लोकतंत्र का काला अध्याय बताते हुए चर्चा की जाएगी। केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान अपने संबोधन में आपातकाल के दौरान हुई घटनाओं, लोकतांत्रिक संस्थाओं पर पड़े प्रभाव और संविधान की रक्षा के महत्व पर अपने विचार रखेंगे। धर्मेंद्र प्रधान के टैगोर थिएटर पहुंचने से पहले ही पूरे क्षेत्र को सुरक्षा घेरे में ले लिया गया है। बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है और कार्यक्रम स्थल के आसपास निगरानी बढ़ा दी गई है। कांग्रेस कार्यकर्ता उनके आगमन पर काले झंडे दिखाकर विरोध दर्ज कराने की तैयारी में हैं।

पासिंग फीस और अवैध वाहनों के मुद्दे पर सरकार गंभीर, मंत्री चीमा ने ऑपरेटरों को दिया आश्वासन

चंडीगढ़  वाहनों की पासिंग फीस में भारी वृद्धि से ट्रांसपोटरों की वित्तिय देनदारियों को कम करने के लिए सभी कानूनी समाधानों पर विचार किया जाएगा। ट्रांसपोर्ट मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने मिनी बस आपरेटरों के प्रतिनिधिमंडल को आश्वासन दिया कि अवैध रूप से संचालित वाहनों के कारण उत्पन्न होने वाली गंभीर परिचालन समस्याओं निर्धारित मिनी बस मार्गों पर चलने वाले ऐसे अनियमित वाहनों के विरुद्ध तत्काल सख्त कार्रवाई करने के आदेश दिए। बैठक में परिवहन सचिव वरुण रूजम, स्टेट ट्रांसपोर्ट कमिश्नर परनीत शेरगिल और निदेशक परिवहन राजीव कुमार गुप्ता के साथ एसोसिएशन की ओर से अपनी परिचालन संबंधी समस्याओं के बारे में सौंपे गए एक विस्तृत मांग पत्र का बारीकी से मूल्यांकन किया। वित्त मंत्री ने विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को आवश्यकता अनुसार तत्काल प्रशासनिक हस्तक्षेप करने के निर्देश जारी किए और इस बात पर जोर दिया कि राज्य सरकार पंजाब भर के हजारों स्वरोजगार से जुड़े परिवहन ऑपरेटरों के आर्थिक हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। ये वाहन स्थापित ऑपरेटरों की आजीविका को गंभीर रूप से प्रभावित करते हैं, बसों की समय-सारिणी को बाधित करते हैं और सड़क दुर्घटनाओं का कारण बनकर यात्रियों की सुरक्षा से समझौता करते हैं। वित्त मंत्री ने डीजल, टायरों और मोटर लुब्रिकेंट्स सहित परिचालन लागत में हुई वृद्धि के कारण छोटे स्तर के आपरेटरों को पेश आ रही गंभीर वित्तीय कठिनाइयों का भी संज्ञान लिया। यह स्वीकार करते हुए कि बढ़ती लागतें इस क्षेत्र के अस्तित्व के लिए खतरा बन रही हैं, वित्त मंत्री ने वित्त एवं परिवहन विभागों को राज्य स्तरीय कर ढांचे का व्यापक मूल्यांकन करने के निर्देश दिए ताकि संकट का सामना कर रहे इस स्वरोजगार क्षेत्र को परिचालन राहत प्रदान करने के लिए उपयुक्त उपाय खोजे जा सकें। बैठक के दौरान क्षेत्रीय परिवहन कार्यालयों में स्थायी अधिकारियों की नियुक्ति के बजाय उप-मंडल मजिस्ट्रेटों और अतिरिक्त उपायुक्तों को अस्थायी या अतिरिक्त प्रभार सौंपे जाने से संबंधित प्रशासनिक बाधाओं पर भी चर्चा की गई। परिवहन मंत्री ने इसके कारण कार्यों में आ रही देरी का संज्ञान लेते हुए विभाग को प्रशासनिक नियुक्तियों को सुव्यवस्थित करने, परिवहन प्राधिकरणों की डिजिटल क्लीयरेंस प्रणाली को और बेहतर बनाने तथा दैनिक कार्यों से संबंधित प्रमाणपत्रों का शीघ्र निपटारा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि एक मजबूत और कुशल परिवहन अर्थव्यवस्था को बनाए रखा जा सके।

पासिंग फीस और अवैध वाहनों पर सरकार सख्त, मंत्री चीमा ने समाधान का दिया भरोसा

चंडीगढ़. वाहनों की पासिंग फीस में भारी वृद्धि से ट्रांसपोटरों की वित्तिय देनदारियों को कम करने के लिए सभी कानूनी समाधानों पर विचार किया जाएगा। ट्रांसपोर्ट मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने मिनी बस आपरेटरों के प्रतिनिधिमंडल को आश्वासन दिया कि अवैध रूप से संचालित वाहनों के कारण उत्पन्न होने वाली गंभीर परिचालन समस्याओं निर्धारित मिनी बस मार्गों पर चलने वाले ऐसे अनियमित वाहनों के विरुद्ध तत्काल सख्त कार्रवाई करने के आदेश दिए। बैठक में परिवहन सचिव वरुण रूजम, स्टेट ट्रांसपोर्ट कमिश्नर परनीत शेरगिल और निदेशक परिवहन राजीव कुमार गुप्ता के साथ एसोसिएशन की ओर से अपनी परिचालन संबंधी समस्याओं के बारे में सौंपे गए एक विस्तृत मांग पत्र का बारीकी से मूल्यांकन किया। वित्त मंत्री ने विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को आवश्यकता अनुसार तत्काल प्रशासनिक हस्तक्षेप करने के निर्देश जारी किए और इस बात पर जोर दिया कि राज्य सरकार पंजाब भर के हजारों स्वरोजगार से जुड़े परिवहन ऑपरेटरों के आर्थिक हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। ये वाहन स्थापित ऑपरेटरों की आजीविका को गंभीर रूप से प्रभावित करते हैं, बसों की समय-सारिणी को बाधित करते हैं और सड़क दुर्घटनाओं का कारण बनकर यात्रियों की सुरक्षा से समझौता करते हैं। वित्त मंत्री ने डीजल, टायरों और मोटर लुब्रिकेंट्स सहित परिचालन लागत में हुई वृद्धि के कारण छोटे स्तर के आपरेटरों को पेश आ रही गंभीर वित्तीय कठिनाइयों का भी संज्ञान लिया। यह स्वीकार करते हुए कि बढ़ती लागतें इस क्षेत्र के अस्तित्व के लिए खतरा बन रही हैं, वित्त मंत्री ने वित्त एवं परिवहन विभागों को राज्य स्तरीय कर ढांचे का व्यापक मूल्यांकन करने के निर्देश दिए ताकि संकट का सामना कर रहे इस स्वरोजगार क्षेत्र को परिचालन राहत प्रदान करने के लिए उपयुक्त उपाय खोजे जा सकें। बैठक के दौरान क्षेत्रीय परिवहन कार्यालयों में स्थायी अधिकारियों की नियुक्ति के बजाय उप-मंडल मजिस्ट्रेटों और अतिरिक्त उपायुक्तों को अस्थायी या अतिरिक्त प्रभार सौंपे जाने से संबंधित प्रशासनिक बाधाओं पर भी चर्चा की गई। परिवहन मंत्री ने इसके कारण कार्यों में आ रही देरी का संज्ञान लेते हुए विभाग को प्रशासनिक नियुक्तियों को सुव्यवस्थित करने, परिवहन प्राधिकरणों की डिजिटल क्लीयरेंस प्रणाली को और बेहतर बनाने तथा दैनिक कार्यों से संबंधित प्रमाणपत्रों का शीघ्र निपटारा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि एक मजबूत और कुशल परिवहन अर्थव्यवस्था को बनाए रखा जा सके।

पंजाब CM VIDEO विवाद में नया मोड़, हरियाणा पुलिस लुधियाना CP-SP से कर सकती है पूछताछ

 लुधियाना  पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान से जोड़े जा रहे सिख गुरूओं की फोटो पर शराब के छींटे वाले वीडियो की फर्जी रिपोर्ट मामले में चौथा खुलासा हुआ है। इस मामले में गुरुग्राम में केस दर्ज कराने वाले फॉरेंसिक एक्सपर्ट जसप्रीत जस्सी ने दावा किया था।  अब पूर्व अकाली मंत्री बिक्रम मजीठिया ने इन्हीं 10 लाख के बैंक के लेन-देन के सबूत जारी किए हैं। मजीठिया का दावा है कि यह रकम इसी फर्जी रिपोर्ट के लिए दी गई। वहीं इस मामले में गुरुग्राम पुलिस जल्द लुधियाना के पुलिस कमिश्नर व DIG स्वपन शर्मा और SP जशनदीप गिल से पूछताछ कर सकती है। दो लोग गिरफ़्तार, फ़र्ज़ी फ़ॉरेंसिक रिपोर्ट तैयार करने का आरोप गुरुग्राम पुलिस ने पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के कथित विवादित वीडियो की फ़र्ज़ी फ़ॉरेंसिक रिपोर्ट तैयार करने और डिजिटल सबूतों से छेड़छाड़ करने के आरोप में दो लोगों को हिरासत में लिया है।  इस मामले में गुरुग्राम के सेक्टर 29 स्थित डीएलएफ़ पुलिस स्टेशन में एफ़आईआर दर्ज की गई है।  यह एफ़आईआर जसप्रीत उर्फ जस्सी नाम के एक व्यक्ति की शिकायत के आधार पर दर्ज की गई है. उनका आरोप है कि उन पर विवादित वीडियो की फ़र्जी फ़ॉरेंसिक रिपोर्ट तैयार करने का दबाव बनाया गया था।  पुलिस ने अरुण महेंद्रू और अंकित नाम के दो लोगों के ख़िलाफ़ एफ़आईआर दर्ज की है. दोनों को पुलिस ने गिरफ़्तार कर लिया है।  इस मामले पर पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बयान जारी कर कहा है कि उन्हें "फंसाने के लिए फ़र्ज़ी वीडियो वायरल कराया गया। आप अगर पूरी स्टोरी देखना चाहते हैं तो हमारे फुल वर्ज़न पर जाएं।  एफ़आईआर भारतीय न्याय संहिता की धारा 111 (2) (ए), 318 (2), 319, 336 (2), 336 (3) और 340 के तहत दर्ज की गई है. इसके अलावा आईटी एक्ट 2000 की धारा 65 और 66 (डी) भी लगाई गई हैं।  दरअसल, 15 जून को अकाल तख्त साहिब में हुई बैठक के बाद पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान को जत्थेदार कुलदीप सिंह गड़गज्ज ने 'गुरु दोखी' और 'पंथ विरोधी' कहा था। यह फ़ैसला मुख्यमंत्री मान के कथित विवादित वीडियो से जुड़े केस में लिया गया था।  केस दर्ज कराने वाले जस्सी का दावा था कि इन्हीं दोनों अफसरों ने फर्जी रिपोर्ट के लिए गुरुग्राम के फाइव स्टार होटल क्राउन प्लाजा में सीक्रेट मीटिंग कर डील की थी। रिपोर्ट में भी मनचाहे करेक्शन कराए थे। हालांकि दैनिक भास्कर इन दावों की पुष्टि नहीं करता। CM से जुड़ी वीडियो रिपोर्ट में अब तक के 4 बड़े खुलासे:- 1. सिरसा के बैंक खातों में डिपॉजिट हुए 10 लाख अकाली नेता बिक्रम मजीठिया ने फर्जी रिपोर्ट तैयार के लिए 10 लाख रुपए के लेन-देन के सबूत का दावा किया। मजीठिया का दावा है कि एक अकाउंट में 18 जून को 7.50 लाख रुपए कैश डिपोजिट हुए हैं जबकि दूसरे में 2.5 लाख रुपए डिपोजिट हुए हैं। ये दोनों खाते सिरसा में ही हैं। 2. सीक्रेट मीटिंग से जुड़े 2 CCTV फुटेज फोरेंसिक एक्सपर्ट जसप्रीत सिंह और पुलिस अफसरों की गुरुग्राम के होटल क्राउन प्लाजा में हुई मीटिंग की दो सीसीटीवी फुटेज सामने आई। दावा किया गया कि इसमें एक लुधियाना के पुलिस कमिश्नर स्वप्न शर्मा हैं और दूसरे एडीसीपी जशनदीप सिंह गिल हैं। यह भी दावा किया गया कि यह मीटिंग CM के वीडियो मामले की जांच को प्रभावित करने और उनके पक्ष में फर्जी फोरेंसिक रिपोर्ट तैयार करवाने के मकसद से की गई थी। 3. वॉट्सएप चैट आई सामने SP जशन गिल पंजाब के नाम से मोबाइल में सेव एक नंबर की वॉट्सऐप चैट भी सामने आई है। दावा है कि यह चैट जसप्रीत सिंह के साथ हुई है। इसमें CM की वीडियो रिपोर्ट में बदलाव को लेकर बातचीत हो रही है। इसमें बकायदा रिपोर्ट से पूरे पैराग्राफ तक हटाने के लिए कहा जा रहा है। 4. CP और SP के होटल क्राउन प्लाजा के बिल अकाली नेता बिक्रम मजीठिया ने गुरुग्राम के होटल क्राउन प्लाजा के बिल जारी किए हैं। मजीठिया का दावा है कि 15 जून से 17 जून तक होटल में कमरा बुक कराया गया। इसी दिन DIG (लुधियाना CP) स्वपन शर्मा और SP जशनदीप गिल होटल क्राउन प्लाजा पहुंचे। SP का रूम नंबर 3000 था। 15 से 16 जून तक DIG स्वपन शर्मा का रूम नंबर 3004 था। 17 जून को स्वपन शर्मा रूम नंबर 6004 में शिफ्ट हो गए। हालांकि, भास्कर इन बिलों की पुष्टि नहीं करता। CM भगवंत मान बोले– BJP खुद फंसी फर्जी वीडियो रिपोर्ट के केस मामले में 24 जून को CM भगवंत मान ने चंडीगढ़ में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर रहा कि जिन लैब में टेस्ट हुए उसके मालिकों को FIR की धमकी देकर डराया गया है। भाजपा खुद फंस गई है। यह मुझे धर्म वाली साइड से बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं।

एयर इंडिया मामले में बड़ा एक्शन, समय पर सूचना नहीं देने पर अमृतसर ATC और क्रू हटाए गए

अमृतसर डीजीसीए ने एअर इंडिया की फ्लाइट AI-479 से जुड़ी उस घटना की जांच शुरू कर दी है, जिसमें विमान कुछ समय के लिए पाकिस्तान के एअरस्पेस में प्रवेश कर गया था। मामले में समय पर जानकारी न देने को लेकर अमृतसर के संबंधित एअर ट्रैफिक कंट्रोलर (ATC)। घटना 22 जून की है, जब एअर इंडिया का एअरबस A321 (VT-PPV) दिल्ली से अमृतसर के लिए उड़ान भर रहा था। उस समय अमृतसर एअरपोर्ट पर पक्षी टकराने (बर्ड स्ट्राइक) की घटना के बाद रनवे की जांच चल रही थी, जिसके कारण फ्लाइट को लैंडिंग से पहले कुछ समय के लिए हवा में होल्ड करने के निर्देश दिए गए थे। पाकिस्तान ATC से समन्वय के बाद फ्लाइट दिल्ली लौटी इसके बाद जब ATC ने रडार के जरिए विमान को लैंडिंग के लिए गाइड किया, तो वह अनजाने में थोड़ी देर के लिए पाकिस्तान के एअरस्पेस में पहुंच गया। स्थिति को संभालने के लिए पाकिस्तान ATC से भी संपर्क और समन्वय किया गया। बाद में विमान को अमृतसर में उतारने के बजाय वापस दिल्ली भेज दिया गया, जहां उसकी सुरक्षित लैंडिंग कराई गई। एयरपोर्ट अथॉरिटी ने मामले में ये जानकारी दी     रवने पर ट्रैफिक के कारण विमान को हवा में इंतजार करवाना आम बात: इस मामले में अमृतसर एयरपोर्ट अथॉरिटी के एक अधिकारी ने बताया कि किसी भी विमान की लैंडिंग से पहले एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) की ओर से अंतिम अनुमति दी जाती है। कई बार रनवे की उपलब्धता, एयर ट्रैफिक या अन्य तकनीकी कारणों से विमान को कुछ समय तक हवा में ही होल्डिंग पैटर्न में इंतजार करना पड़ता है। यह आम बात है।     विमान को दिल्ली ले जाने को कहा गया: अधिकारी के अनुसार, संबंधित विमान के मामले में लैंडिंग में देरी होने पर एयरपोर्ट पर ट्रैफिक बढ़ गया था, जिससे इस विमान के लैंड होने की जगह नहीं थी। बाद में सूचना मिली कि तकनीकी कारणों के चलते विमान भटक गया था। इसके बाद उसे वापस दिल्ली ले जाने को कहा गया।     असुविधा के बावजूद स्थिति सामान्य रही: अधिकारी ने बताया कि विमान बाद में सुरक्षित रूप से वापस चला गया था। हालांकि, यात्रियों को कुछ देरी का सामना करना पड़ा, लेकिन एयरपोर्ट प्रशासन के पास किसी बड़े हंगामे या दुर्व्यवहार की कोई जानकारी नहीं है। यात्रियों को हुई असुविधा के बावजूद स्थिति सामान्य रही। कुछ ही समय बाद विमान रास्ता भटका इससे पहले 12 जून को पाकिस्तान की एक पैसेंजर फ्लाइट, फ्लाई जिन्ना-9P514, खराब मौसम के कारण भारतीय एअरस्पेस में प्रवेश कर गई थी। लाहौर एअरपोर्ट से उड़ान भरने के कुछ ही समय बाद विमान रास्ता भटक गया था। हालांकि, तकनीकी गड़बड़ी का अंदेशा होते ही फ्लाइट को वापस पाकिस्तानी एअरस्पेस में लौटा लिया गया।  

ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों पर सख्ती, रेड लाइट कूदने और शराब पीकर गाड़ी चलाने पर सीधा कोर्ट समन

चंडीगढ़. पंजाब में ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों के लिए अब बच निकलना आसान नहीं होगा। सड़क पर लापरवाही दिखाने वालों के खिलाफ पंजाब सरकार ने बड़ा और सख्त फैसला लिया है। परिवहन विभाग ने नई अधिसूचना जारी कर कुछ गंभीर ट्रैफिक उल्लंघनों को नॉन-कंपाउंडेबल अपराध घोषित कर दिया है। इसका सीधा मतलब यह है कि अब ऐसे मामलों में केवल जुर्माना भरकर मामला खत्म नहीं किया जा सकेगा। सरकार के इस फैसले के बाद रेड लाइट जंप करना, स्टॉप साइन तोड़ना, गलत दिशा में वाहन चलाना, नशे में ड्राइविंग और नाबालिगों द्वारा वाहन चलाना बेहद महंगा पड़ सकता है। इन मामलों में अब सीधे कानूनी कार्रवाई होगी और कोर्ट का सामना करना पड़ सकता है। 17 जून को जारी हुआ नोटिफिकेशन 17 जून 2026 को जारी नोटिफिकेशन के अनुसार मोटर व्हीकल एक्ट 1988 की धारा 184 के तहत आने वाली खतरनाक ड्राइविंग को विशेष तौर पर निशाने पर लिया गया है। अगर कोई चालक ट्रैफिक सिग्नल की अनदेखी करता है, रेड लाइट पार करता है या सड़क पर ऐसा वाहन चलाता है जिससे दूसरों की जान खतरे में पड़ती है, तो अब उसे सिर्फ चालान भरकर छुटकारा नहीं मिलेगा। बच्चों की गलती पर अभिभावक फसेंगे  सरकार ने नशे में वाहन चलाने को लेकर भी जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई है। धारा 185 के तहत शराब या नशीले पदार्थ के प्रभाव में वाहन चलाना अब पूरी तरह गंभीर अपराध माना जाएगा। इसके अलावा ऐसे अपराध में सहयोग या उकसाने वालों पर भी कार्रवाई होगी। सबसे बड़ा संदेश उन अभिभावकों के लिए है जो अपने नाबालिग बच्चों को दोपहिया या कार चलाने देते हैं। धारा 199ए के तहत नाबालिग ड्राइविंग के मामलों में अब सख्त कानूनी कार्रवाई तय है। ऐसे मामलों में अभिभावकों की जिम्मेदारी भी तय की जा सकती है। दुर्घटनाओं को रोकने का प्रयास परिवहन विभाग का कहना है कि पंजाब में बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं और लापरवाह ड्राइविंग पर लगाम लगाने के लिए यह फैसला लिया गया है। सरकार का मानना है कि सख्त नियमों से लोगों में ट्रैफिक अनुशासन बढ़ेगा और सड़क हादसों में कमी आएगी। साफ है, अब पंजाब की सड़कों पर लापरवाही भारी पड़ेगी। ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों के लिए संदेश एकदम स्पष्ट है- नियम मानिए, वरना कानूनी कार्रवाई के लिए तैयार रहिए।

मनौली की 54 एकड़ जमीन अब गोदाम क्षेत्र में शामिल, 30 दिन तक दर्ज करा सकेंगे आपत्ति

मोहाली  पंजाब सरकार मोहाली के मास्टर प्लान में बड़ा बदलाव करने जा रही है। इसके तहत मनौली गांव की 54 एकड़ जमीन को ‘इंस्टीट्यूशनल एरिया’ से बदलकर ‘इंडस्ट्रियल और वेयरहाउस एरिया’ के अंतर्गत लाने का प्रस्ताव है। इस संबंध में प्रारंभिक प्रस्ताव तैयार कर लिया गया। अंतिम निर्णय से पहले विभाग ने लोगों की राय जानने का फैसला लिया है। इसके लिए अगले 30 दिनों तक नागरिक अपने सुझाव दे सकेंगे। इसके बाद सरकार आगे की प्रक्रिया शुरू करेगी। माना जा रहा है कि इस बदलाव से इलाके के युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा हो सकते हैं। लोगों की लंबे समय से थी मांग मनौली गांव के लोगों ने सरकार के समक्ष यह मुद्दा उठाया था कि गांव में शिक्षा और संस्थागत गतिविधियों के लिए निर्धारित क्षेत्र चारों ओर से फैक्ट्रियों और गोदामों से घिरा हुआ है। इस वजह से वहां कोई बड़ा संस्थान या कॉलेज सही तरीके से विकसित नहीं हो पा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि इस क्षेत्र को भी औद्योगिक और वेयरहाउस ज़ोन में शामिल कर दिया जाए, तो स्थानीय युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे और पूरे इलाके के विकास को गति मिलेगी। 54 एकड़ जमीन को लेकर ही विवाद था इस मांग के बाद जब टाउन प्लानिंग विभाग (DTP) ने जांच की, तो पाया गया कि मनौली गांव का अधिकांश हिस्सा पहले से ही औद्योगिक और वेयरहाउस गतिविधियों के लिए उपयोग में लाया जा रहा है। केवल 54 एकड़ जमीन ही इंस्टीट्यूशनल एरिया के रूप में बची हुई है। पास के सेक्टर-81 और सेक्टर-83 में पहले से ही IISER और ISB जैसे बड़े संस्थान मौजूद हैं। इसके अलावा आईटी सिटी (सेक्टर-82 अल्फा) और मोहाली के अन्य सेक्टरों में भी विश्वविद्यालयों और अस्पतालों के लिए पर्याप्त भूमि आवंटित की जा चुकी है। इसी को देखते हुए सरकार ने ग्रामीणों की मांग पर इस 54 एकड़ भूमि को भी औद्योगिक और वेयरहाउस क्षेत्र में बदलने का प्रस्ताव तैयार किया है। यहां डिस्प्ले होंगे नक्शे सरकार ने इस संबंध में तैयार किया गया नक्शा PUDA की आधिकारिक वेबसाइट www.puda.gov.in पर अपलोड कर दिया है। इसके अलावा इसे छह प्रमुख कार्यालयों में भी प्रदर्शित किया जाएगा। इनमें मुख्य प्रशासक, GMADA, डिप्टी कमिश्नर (DC) कार्यालय, मुख्य टाउन प्लानर, PUDA भवन सेक्टर-62, वरिष्ठ टाउन प्लानर (STP), PUDA भवन तथा जिला टाउन प्लानर (DTP) का कार्यालय शामिल है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि इस पर सुझाव या आपत्तियां केवल लिखित रूप में ही स्वीकार की जाएंगी।