samacharsecretary.com

राहुल फाजिलपुरिया को निशाना बनाने पहुंचे शूटरों का एनकाउंटर, 4 गोली से घायल

 गुरुग्राम बॉलीवुड सिंगर राहुल फाजिलपुरिया की हत्या करने गुरुग्राम आए 5 शूटरों की STF के साथ बुधवार को मुठभेड़ हो गई. जिसके बाद पांचों शॉर्प शूटरों को गिरफ्तार कर लिया गया. बताया जाता है कि विदेश में बैठे गैंगस्टरों ने राहुल फाजिलपुरिया की हत्या के किए शूटर भेजे थे. आपको बता दें कि इससे पहले भी एक बार राहुल पर जानलेवा हमला हो चुका है. जबकि राहुल के फाइनेंसर की हत्या पहले ही की जा चुकी है. इसी बीच बुधवार को STF और क्राइम ब्रांच गुरुग्राम को सूचना मिली थी कि राहुल फाजिलपुरिया की विदेश में बैठे गैंगस्टर दीपक नांदल और रोहित सिरधानिया हत्या की साजिश को अंजाम देने वाले हैं. इसी सूचना पर गुरुग्राम STF और गुरुग्राम पुलिस की आधा दर्जन क्राइम यूनिट्स के तमाम अधिकारियों ने पटौदी रोड के वजीरपुर इलाके में ट्रैप लगाया. जहां बिना नंबर प्लेट के इनोवा कार पर टीम को शक हुआ. टीम ने जैसे ही उसे रोकने की कोशिश की, वैसे ही इनोवा में बैठे हथियारबंद बदमाशों ने पुलिस पार्टी पर फायरिंग शुरू कर दी. दोनों तरफ से हुई फायरिंग में चार बदमाशों को पैरों में गोली लगी. जिसके बाद 5 लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया. एसटीएफ गुरुग्राम के डीएसपी प्रितपाल सिंह ने फोन पर हुई बातचीत में एनकाउंटर पर बयान दिया. जिसके मुताबिक गिरफ्तार सभी बदमाश विदेश में बैठे गैंगस्टर रोहित सिरधानिया और दीपक नांदल के शार्प शूटर हैं. जिनकी पहचान झज्जर के रहने वाले विनोद पहलवान, सोनीपत के रहने वाले पदम उर्फ राजा, शुभम उर्फ काला, गौतम उर्फ गोगी और आशीष उर्फ आशु के रूप में हुई है. गिरफ्तार किए गए शूटरों में से 4 को पैरों में गोलियां लगी हैं. जिन्हें गुरुग्राम के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया है. फिलहाल मामले में सभी से पूछताछ की जा रही है. एसटीएफ ने दावा किया है कि पूछताछ में कई बड़े खुलासे हो सकते हैं. 

हरियाणा कैबिनेट की बैठक 28 अगस्त को, कई बड़े फैसलों पर लगेगी मुहर

चंडीगढ़  हरियाणा के राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में हरियाणा मंत्रिपरिषद की एक महत्वपूर्ण बैठक आगामी 28 अगस्त को सुबह 11 बजे हरियाणा सिविल सचिवालय, चंडीगढ़ की चौथी मंजिल पर आयोजित की जाएगी। यह बैठक ऐसे समय में हो रही है, जब राज्य सरकार कई अहम मुद्दों पर सक्रिय रूप से काम कर रही है। ऐसे में उम्मीद की जा रही है कि इस बैठक में विकास परियोजनाओं, जनकल्याण योजनाओं और प्रशासनिक फैसलों को लेकर बड़े निर्णय लिए जा सकते हैं। सूत्रों के मुताबिक, बैठक के दौरान राज्य में चल रही वर्तमान योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की जाएगी और नई योजनाओं को मंजूरी मिलने की भी संभावना है। हाल ही में हुए प्रशासनिक फेरबदल के मद्देनजर यह बैठक और भी अहम मानी जा रही है। सभी मंत्रीगण बैठक में मौजूद रहेंगे और अपने-अपने विभागों से जुड़े प्रस्तावों, चुनौतियों और उपलब्धियों को मुख्यमंत्री के समक्ष प्रस्तुत करेंगे।  बैठक में कृषि, शिक्षा, स्वास्थ्य और बुनियादी ढांचा विकास जैसे जनहित से जुड़े मुद्दों पर विशेष चर्चा होने की संभावना है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में यह सरकार का पहला कार्यकाल है और ऐसी बैठकें उनकी कार्यशैली, नीतिगत प्राथमिकताओं और सुशासन के दृष्टिकोण को उजागर करेंगी।

टोल वसूली में गड़बड़ी का असर, NHAI ने कंपनी पर ठोका जुर्माना

गुड़गांव अक्सर आपने टोल कर्मियों को वाहन चालकों से अभद्रता करते देखा होगा। इतना ही नहीं जब वाहन चालक और टोलकर्मियों में विवाद हो जाता है तो बात मारपीट तक पहुंच जाती है। लगातार आ रही टोलकर्मियों की शिकायत के बाद अब भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण सख्त हो गया है। एनएचएआई ने घामडौज टोल टैक्स वसूली करने वाली कंपनी पर एक लाख रुपए का जुर्माना लगाया है। यह जुर्माना सोशल मीडिया पर एक वाहन चालक द्वारा टोलकर्मियों की अभद्रता की वीडियो पोस्ट करने के बाद लगाया है।  दरअसल, शौर्य गर्ग ने एक्स अकाउंट पर एक वीडियो पोस्ट की थी। यह वीडियो 25 अगस्त की सुबह करीब सवा 10 बजे पोस्ट की गई। इस वीडियो में दिखाया गया कि जब वह अपनी गाड़ी से सोहना गुड़गांव रोड पर सफर कर रहे थे तो घामडौज टोल प्लाजा पर वाहनों की लंबी लाइन देखी। ऐसे में वह इमरजेंसी लाइन की तरफ चले गए और कर्मचारी को इमरजेंसी लेन खोलने के लिए कहा, लेकिन कर्मचारी वाहन चालक से अड़ गया और उससे अभद्रता करने लगा। वाहन चालक ने इसका वीडियो बनाना शुरू किया तो टोलकर्मी की अभद्रता बढ़ गई। इस वीडियो को पोस्ट करने के बाद एनएचएआई के अधिकारी हरकत में आए और टोल वसूलने वाली कंपनी पर एक लाख रुपए का जुर्माना लगाया। इस बाबत एनएचआई ने अपने एक्स अकाउंट के जरिए शौर्य गर्ग को रिप्लाई भी किया है।  एनएचआई के एक्स अकाउंट से दिए गए रिप्लाई में कहा गया है कि एनएच-248ए के घामडौज टोल पर वाहन चालक से टोलकर्मी के मिसबिहेव करने पर संज्ञान लिया गया है। ऐसे में इसमें सख्त एक्शन लेते हुए टोल वसूलने वाली कंपनी मैसर्स आर के जैन इंफ्रा प्रोजेक्टस प्राइवेट लिमिटेड पर एक लाख रुपए का जुर्माना लगाया है। इसके साथ ही एजेंसी को कारण बताओ नोटिस देकर सात दिन में जवाब मांगा गया है क्यों न उसके एनएचएआई के साथ टोल वसूली के एग्रीमेंट को रद्द कर दिया जाए। एनएचएआई के अधिकारियों ने कहा कि टोलकर्मियों के इस तरह के बर्ताव को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।   

हिसार एयरपोर्ट से जयपुर की सीधी फ्लाइट शुरू, कितने बजे और कितने रुपए में मिलेगा टिकट

हिसार  हरियाणा में हिसार स्थित महाराजा अग्रसेन एयरपोर्ट से अब जयपुर के लिए हवाई सेवाएं शुरू होने वाली है। इसके लिए डायरेक्टोरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन (DGCA) ने शेड्यूल को मंजूरी दे दी है। 12 सितंबर से हिसार से जयपुर के लिए पहली फ्लाइट जाएगी। जानकारी के अनुसार जयपुर के लिए हवाई सेवा  हर शुक्रवार शाम 5:35 बजे उपलब्ध रहेगी। हिसार से जयपुर के लिए टिकट का किराया 1950 रुपए निर्धारित किया गया है। हिसार से जयपुर पहुंचने में लगभग 1 घंटा 5 मिनट का समय लगेगा। बता दें दिल्ली से हिसार आने वाली फ्लाइट अब सप्ताह में एक दिन वाया जयपुर रूट पर भी शुरू की गई है। यह फ्लाइट हिसार से आगे अयोध्या भी जाएगी, जहां की हवाई सेवा पहले से ही जारी है। हिसार से अयोध्या के लिए वाया जयपुर रूट पर यह सेवा शुक्रवार और रविवार को उपलब्ध रहेगी। गौरतलब है कि हिसार से जयपुर सड़क मार्ग द्वारा लगभग 5 घंटे का समय लगता था, लेकिन फ्लाइट से यात्रा करके करीब 4 घंटे की बचत होगी। हिसार से चंडीगढ़ फ्लाइट का समय बदला गया इसके अलावा, हिसार से चंडीगढ़ के लिए फ्लाइट के समय में भी बदलाव किया गया है। अब हिसार से चंडीगढ़ फ्लाइट हर सोमवार और बुधवार सुबह 10 बजे उड़ान भरेगी और 11 बजे चंडीगढ़ पहुंचेगी। वापसी में यह फ्लाइट चंडीगढ़ से सुबह 8 बजे उड़ान भरेगी और सुबह 9:40 बजे हिसार पहुंचेगी। पहले हिसार से चंडीगढ़ की फ्लाइट सोमवार और शुक्रवार को दोपहर 3:20 बजे उड़ान भरती थी और 4:30 बजे चंडीगढ़ पहुंचती थी। वापसी में यह फ्लाइट शाम 4:55 बजे उड़ान भरती थी और 5:55 बजे हिसार पहुंचती थी।

राशन वितरण में पारदर्शिता: हरियाणा सरकार का बड़ा फैसला, अब नहीं होगी हेराफेरी

चंडीगढ़ हरियाणा में सस्ते अनाज की सभी सरकारी दुकानों पर आॅनलाइन सीसीटीवी कैमरे लगाएं जाएंगे। खाद्य एवं आपूर्ति विभाग ने यह फैसला राशन वितरण प्रणाली में गड़बड़ी रोकने को लेकर उठाया है। ताकि डिपो संचालक राशन वितरण के दौरान कोई गड़बड़ी न कर सके। विभाग का सीसीटीवी कैमरे लगाने का मकसद डिपो पर होने वाली हर गतिविधि पर नजर रखना है।प्रदेश में प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के तहत लगभग 30 लाख परिवार पीडीएस योजना का फायदा उठा रहे हैं। वर्तमान में प्रदेश में उचित मूल्य की लगभग 9400 दुकानें हैं, जिन पर स्वचालित पीओएस मशीनों द्वारा लोगों को राशन दिया जा रहा है। इसके साथ ही विभाग को डिपो पर रखे स्टॉक और राशन वितरण की पूरी जानकारी ऑनलाइन मिलेगी। कैमरे की निगरानी में डिपो होल्डर उपभोक्ताओं के साथ किसी तरह की गड़बड़ी नहीं कर पाएंगे। इससे राशन डिपो पर गड़बड़ी की शिकायतों पर लगाम लगेगा और उपभोक्ताओं को सही मात्रा में राशन मिलेगा।   करनाल के जिला खाद्य एवं आपूर्ति अधिकारी अनिल कुमार ने जानकारी दी कि विभाग के मंत्री राजेश नागर के दिशा निर्देशों के अनुसार यह योजना बनाई गई है। कैमरों की फुटेज विभाग के सर्वर में स्टोर होगी। उन्होंने बताया कि इससे उपभोक्ताओं द्वारा डिपो होल्डर के खिलाफ अक्सर दी जाने वाली शिकायतें काफी हद तक खत्म हो जाएगी। सीसीटीवी कैमरों की मदद से विभाग को डिपो पर स्टॉक की स्थिति की वास्तविक जानकारी मिलेगी। इससे न केवल राशन वितरण में पारदर्शिता बढ़ेगी, बल्कि यह भी सुनिश्चित होगा कि किसी भी परिवार को राशन वितरण में कमियां न हों। इस योजना से सार्वजनिक वितरण प्रणाली अधिक भरोसेमंद और गड़बड़ी मुक्त बनेगी।

पानीपत में बढ़ा प्रदूषण संकट, रंगाई-छपाई उद्योग से बिगड़ी हवा और पानी की सेहत

पानीपत आज हरियाणा का पानीपत किसी परिचय का मोहताज नहीं है, क्योंकि इसने विश्व स्तर पर 'टेक्सटाइल सिटी' के रूप में अपनी पहचान बना ली है। विश्व मानचित्र पर शायद ही कोई ऐसा देश हो जहाँ पानीपत में बने उत्पादों का निर्यात न होता हो। हालांकि, एक कपड़ा औद्योगिक केंद्र के रूप में विकसित होने के साथ-साथ, पानीपत देश के गंभीर रूप से प्रदूषित शहरों में से एक बन गया है।  वहीं केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के अनुसार, पानीपत औद्योगिक क्षेत्र को गंभीर प्रदूषण क्षेत्रों (CPAs) में सूचीबद्ध किया गया है। नालियों में खुलेआम बहता अनुपचारित औद्योगिक अपशिष्ट एक आम दृश्य बन गया है। CPCB कपड़ा उद्योग को सबसे अधिक प्रदूषणकारी श्रेणियों में से एक मानता है, क्योंकि यह जल और वायु प्रदूषण दोनों में महत्वपूर्ण योगदान देता है। इसके अतिरिक्त, ब्लीचिंग इकाइयों की अवैध रूप से बढ़ती संख्या इस क्षेत्र में भूजल प्रदूषण का एक प्रमुख कारण है। पानीपत का वार्षिक कारोबार लगभग 60,000 करोड़ रुपये  राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली से मात्र 90 किलोमीटर दूर, राष्ट्रीय राजमार्ग-44 (NH-44) पर स्थित, विश्व स्तर पर 'टेक्सटाइल सिटी' के रूप में विख्यात, पानीपत का वार्षिक कारोबार लगभग 60,000 करोड़ रुपये है। इसमें से लगभग 20,000 करोड़ रुपये निर्यात कारोबार से और 40,000 करोड़ रुपये घरेलू बाजार से आते हैं। लगभग 400 छोटे और बड़े निर्यातक अमेरिका, यूरोपीय देशों, जापान, ऑस्ट्रेलिया और खाड़ी देशों में कालीन, कुशन, चादरें, बेड कवर, कंबल, पर्दे, बाथ मैट, फर्श कवर और तौलिये जैसे उत्पाद बेचते हैं। इसके अलावा, पानीपत दुनिया के सबसे बड़े रीसाइक्लिंग उद्योग का केंद्र बनकर उभरा है, जहाँ विभिन्न देशों से लाए गए बेकार कपड़ों से बिना रासायनिक रंगों या पानी की बर्बादी के धागा बनाया जाता है। शहर इस रीसाइक्लिंग प्रक्रिया के माध्यम से प्रतिदिन 30 लाख किलोग्राम से अधिक धागा तैयार करता है। हर गली या घर में 20,000 से अधिक छोटी और बड़ी इकाइयाँ संचालित पानीपत की हर गली या घर में 20,000 से अधिक छोटी और बड़ी इकाइयाँ संचालित होती हैं, जबकि हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (HSPCB) पोर्टल पर केवल 800 औद्योगिक इकाइयाँ ही पंजीकृत हैं। जानकारी के अनुसार, इनमें से सात अत्यधिक प्रदूषणकारी उद्योगों की सूची में हैं, 450 लाल श्रेणी में, लगभग 100 हरित श्रेणी में और लगभग 300 नारंगी श्रेणी में सूचीबद्ध हैं।   413 इकाइयों ने सबसे अधिक प्रदूषक उत्सर्जित किया दिसंबर 2021 और अप्रैल 2022 के बीच, सीपीसीबी ने अत्यधिक प्रदूषणकारी उद्योगों (जीपीआई) की पहचान के लिए राज्य भर में 924 औद्योगिक इकाइयों का सर्वेक्षण किया। पाया गया कि जीपीआई के रूप में पहचानी गई 413 इकाइयों ने सबसे अधिक प्रदूषक उत्सर्जित किया। रिपोर्टों से पता चला कि पानीपत स्थित 45 प्रतिशत उद्योग सबसे अधिक प्रदूषक उत्सर्जित कर रहे थे, इसके बाद गुरुग्राम में 25.2 प्रतिशत, फरीदाबाद में 15.2 प्रतिशत और सोनीपत में 10.2 प्रतिशत प्रदूषक उत्सर्जित हो रहे थे। कुल 413 जीपीआई में से 181 पानीपत में, 100 गुरुग्राम में और 32 फरीदाबाद में स्थित थे।   पानीपत में चल रही सैकड़ों अवैध रंगाई और ब्लीचिंग इकाइयाँ सूत्रों के अनुसार, पानीपत में 350 से ज़्यादा रंगाई इकाइयाँ पंजीकृत हैं, लेकिन सैकड़ों अवैध रंगाई और ब्लीचिंग इकाइयाँ भी चल रही हैं, जिनमें से कई इन नालों के पास स्थित हैं। हालाँकि सभी उद्योगों को अपशिष्ट उपचार संयंत्र (ईटीपी) लगाना और उनका उचित संचालन करना अनिवार्य है, फिर भी कई उद्योगों ने बिजली की लागत बचाने के लिए इन्हें बंद कर दिया है और ट्रैक्टर-टैंकरों की मदद से बिना उपचारित रासायनिक अपशिष्टों को ड्रेन-2 में बहा दिया है। प्रदूषण बोर्ड के एक अधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर पानीपत के वायु और जल प्रदूषण के कई कारण बताए: पुराने औद्योगिक क्षेत्र में सीईटीपी का न होना, निर्माण के बाद से ड्रेन 1 और 2 में गाद निकालने का काम न होना, सेक्टर 29 पार्ट-2 में सीईटीपी का संतृप्त होना, वायु शोधन टावर परियोजना में देरी और अवैध ब्लीचिंग की मौजूदगी।  

त्योहारों की भीड़: 3 दिन में ट्रेनें फुल, रेलवे का बड़ा ऐलान,12 हजार स्पेशल ट्रेनें चलाने की तैयारी में

चंडीगढ़  चंडीगढ़ से त्योहारों पर घर जाने वाले यात्रियों के लिए ट्रेन टिकटों की भारी मारामारी शुरू हो गई है। 21 अगस्त को जब 20 अक्टूबर (दीपावली) की बुकिंग खुली, तो सिर्फ तीन दिनों में ही उत्तर प्रदेश और बिहार जाने वाली लगभग सभी ट्रेनें फुल हो गईं। हालात ये हैं कि कई ट्रेनों में अब वेटिंग टिकट भी नहीं मिल रही। ऐसे में यात्रियों के पास अब केवल तत्काल टिकट या फिर रेलवे की ओर से चलाई जाने वाली स्पेशल ट्रेनें ही विकल्प बची हैं।रेलवे का कहना है कि दीपावली (20 अक्टूबर) और छठ पूजा (26 अक्टूबर) के मौके पर पूरे देश में 12 हजार से ज्यादा स्पेशल ट्रेनें चलाई जाएंगी।उम्मीद है कि चंडीगढ़ से भी 2-3 स्पेशल ट्रेनें उत्तर प्रदेश और बिहार के लिए मिलेंगी। हालांकि, अंबाला मंडल की तरफ से अभी तक इसका आधिकारिक ऐलान नहीं हुआ है। तत्काल टिकट ही आखिरी सहारा त्योहार सीजन में यात्रियों को तत्काल टिकट पाने के लिए सबसे ज्यादा परेशानी का सामना करना पड़ता है। अक्सर लोगों को रिजर्वेशन सेंटर पर पूरी रात कतारों में गुजारनी पड़ती है, इसके बावजूद टिकट हाथ नहीं लगती। कई बार लोग तत्काल टिकट पाने के लिए दो-तीन दिन तक रेलवे स्टेशन पर डेरा डालते हैं।अभी हालात यह हैं कि सुपरफास्ट और एक्सप्रेस ट्रेनों में सीटें मिलना लगभग नामुमकिन है और यात्री केवल तत्काल या फिर स्पेशल ट्रेनों का ही इंतजार कर रहे हैं। नई ट्रेनों और परियोजनाओं की भी घोषणा की गई इसके तहत यात्री यदि 13 से 26 अक्टूबर के बीच आगे की यात्रा करेंगे और 17 नवंबर से एक दिसंबर के बीच वापसी करेंगे तो रिटर्न टिकट पर 20 प्रतिशत तक की छूट दी जाएगी। त्योहारों के दौरान बिहार लौटने वाले प्रवासी यात्रियों के लिए यह योजना काफी उपयोगी होगी। बिहार को ध्यान में रखते हुए कई नई ट्रेनों और परियोजनाओं की भी घोषणा की गई। गयाजी से दिल्ली, सहरसा से अमृतसर, छपरा से दिल्ली और मुजफ्फरपुर से हैदराबाद के बीच चार नई अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनें चलाई जाएंगी। धार्मिक स्थलों को जोड़ने के लिए बुद्ध सर्किट ट्रेन शुरू होगी इसके अलावा, भगवान बुद्ध से जुड़े धार्मिक स्थलों को जोड़ने के लिए बुद्ध सर्किट ट्रेन शुरू होगी, जो वैशाली, हाजीपुर, सोनपुर, पटना, राजगीर, नालंदा, गया और कोडरमा तक जाएगी।सीमांचल क्षेत्र को राजधानी से जोड़ने के लिए पूर्णिया से पटना के बीच वंदे भारत एक्सप्रेस की शुरुआत होगी। साथ ही बक्सर-लखीसराय रेलखंड पर तीसरी और चौथी लाइन बिछाई जाएगी ताकि ट्रेनों का संचालन सुगम हो। पटना के चारों ओर रिंग रेलवे बनाया जाएगा, जबकि सुल्तानगंज को देवघर से जोड़ने के लिए नई रेल लाइन का निर्माण होगा। लौकहा में नया वॉशिंग पिट बनेगा और बिहार में कई नए रोड ओवरब्रिज और अंडरपास तैयार किए जाएंगे।रेल मंत्री ने यह भी बताया कि पटना से अयोध्या के लिए भी नई ट्रेन शुरू की जाएगी, जिससे धार्मिक यात्रियों को सुविधा मिलेगी। रेल मंत्री के साथ मौजूद बिहार के सभी नेताओं ने इसे ऐतिहासिक अवसर बताते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेल मंत्री के प्रति आभार जताया। उनका कहना था कि इन परियोजनाओं से न केवल बिहारवासियों की यात्रा आसान होगी बल्कि व्यापार, पर्यटन और धार्मिक गतिविधियों को भी नई गति मिलेगी। रेलवे का दावा है कि इस बार त्योहारों के मौसम में यात्रियों को बिना भीड़ और परेशानी के सुरक्षित एवं आरामदायक यात्रा का अनुभव होगा।  

MSG स्टोर से होंगे हजारों प्रोडक्ट्स की ऑनलाइन बिक्री, राम रहीम का नया कदम

हिसार  डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम ने 40 दिन की पैरोल के दौरान एक नया ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म ‘MSG’ ऐप लॉन्च किया है। 19 अगस्त को आयोजित एक ऑनलाइन सत्संग के माध्यम से उन्होंने ‘MSG ई-कॉमर्स स्टोर’, मोबाइल ऐप और ऑर्गेनिक सरसों तेल का उद्घाटन किया। इस मंच के माध्यम से डेरा अब अपने उत्पादों को भारत सहित विश्व भर में बेचेगा। ये मिलेगा सामान MSG स्टोर के माध्यम से हजारों प्रकार के उत्पाद बेचे जाएंगे, जिनमें ग्रॉसरी, खाद्य सामग्री, तेल, घी, कॉस्मेटिक्स, हेल्थकेयर और अन्य घरेलू आवश्यक वस्तुएं शामिल हैं। हर उत्पाद पर गुरमीत राम रहीम की तस्वीर लगाई गई है। कंपनी का दावा है कि ये सभी उत्पाद ऑर्गेनिक और उच्च गुणवत्ता वाले हैं।  ऑर्गेनिक प्रोडक्ट्स से लेकर ग्रॉसरी तक की बिक्री 19 अगस्त को ऑनलाइन मजलिस में राम रहीम ने MSG ई-कॉमर्स स्टोर, ऐप और ऑर्गेनिक सरसों का तेल एक साथ लॉन्च किया। इस मंच के जरिए हजारों की संख्या में उत्पाद बेचे जाएंगे, जिनमें ग्रॉसरी, खाने-पीने का सामान, तेल, घी, कॉस्मेटिक, हेल्थ केयर और घरेलू जरूरत की चीजें शामिल हैं। हर आइटम पर गुरमीत राम रहीम की तस्वीर लगी हुई है। कंपनी का दावा है कि ये सभी उत्पाद ऑर्गेनिक और उच्च-गुणवत्ता वाले हैं। वैश्विक पहुंच के साथ बहुभाषी वेबसाइट MSG स्टोर की वेबसाइट को विभिन्न भाषाओं में बनाया गया है, ताकि यह दुनिया के अलग-अलग हिस्सों में रहने वाले लोगों तक पहुंच सके। वेबसाइट में अंग्रेजी, अरबी, बंगाली, हिब्रू, हिंदी और जापानी भाषाएं शामिल हैं। इससे यह स्पष्ट होता है कि डेरा सच्चा सौदा का लक्ष्य केवल भारत तक सीमित नहीं है, बल्कि वह अपने उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी पहुंचाना चाहता है। कंपनी की वेबसाइट पर खास तौर पर यह बताया गया है कि MSG उत्पाद डेरा सच्चा सौदा के ही हैं। 40 दिन की पैरोल पर बाहर है राम रहीम गुरमीत राम रहीम इस समय 40 दिनों की पैरोल पर है और यह 14वीं बार है जब वह जेल से बाहर आया है, 4 अगस्त, 2025 को पैरोल पर आए राम रहीम ने अपने अनुयायियों से मिलने के लिए ऑनलाइन सत्संग और मजलिस का सहारा लिया है, क्योंकि उसे सिरसा डेरे में बड़ी भीड़ जमा करने की अनुमति नहीं है। पैरोल 15 अगस्त को 58वां जन्मदिन मनाने के लिए मिली है। इस दौरान वह ऑनलाइन माध्यम से ही अपने भक्तों को उपदेश और संदेश दे रहा है। 25 अगस्त 2017 से जेल में गुरमीत राम रहीम 25 अगस्त 2017 से जेल में है। उसे दो साध्वियों के यौन शोषण मामले में 20 साल की सजा सुनाई गई थी। इसके अलावा, उसे पत्रकार रामचंद्र छत्रपति और डेरा मैनेजर रणजीत सिंह की हत्या के मामलों में भी सजा मिली थी। हालांकि, रणजीत सिंह हत्याकांड में बाद में हाईकोर्ट ने उसे बरी कर दिया। वर्तमान में राम रहीम हरियाणा की रोहतक स्थित सुनारिया जेल में बंद है। इस दौरान वह लगातार पैरोल पर बाहर आता रहा है, जिससे उसके अनुयायी उससे जुड़ पाते हैं। हाल ही में शुरू हुआ यह ई-कॉमर्स वेंचर, डेरा के लिए एक बड़ा कारोबारी कदम साबित हो सकता है। 

ताऊ देवीलाल जयंती की112वीं जयंती पर अभय चौटाला का वार, कांग्रेस-भाजपा को घेरा

जींद   इंडियन नेशनल लोकदल (आईएनएलडी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अभय सिंह चौटाला ने रोहतक में 25 सितंबर 2025 को होने वाली ताऊ देवीलाल की 112वीं जयंती के सम्मान समारोह की तैयारियों को लेकर खास बातचीत की। उन्होंने कहा कि पार्टी ने 90 विधानसभा क्षेत्रों में 27 बैठकें आयोजित की हैं, जिनमें 500 से 1500 कार्यकर्ता शामिल हुए। नरवाना की बैठक में 1000 जिम्मेदार कार्यकर्ता पहुंचे, जो पार्टी के प्रति उनके लगाव को दर्शाता है। कांग्रेस-भाजपा पर हमला अभय चौटाला ने कांग्रेस और भूपेंद्र सिंह हुड्डा पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस ने हमेशा आईएनएलडी को भाजपा की बी-टीम कहकर बदनाम किया, लेकिन असल में हुड्डा और उनके बेटे ने भाजपा की हरियाणा में तीसरी बार सरकार बनवाने में मदद की। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले दो सालों में हुड्डा ने कभी भाजपा के खिलाफ नहीं बोला और केवल आईएनएलडी को वोट काटने वाली पार्टी बताकर प्रचार किया। अभय ने कहा, "1977 से 2000 तक हमने कांग्रेस की जड़ें काटीं और उसे सत्ता से बाहर रखा। इस बार रोहतक में लोग कांग्रेस की रीढ़ तोड़ेंगे।" जजपा की नाकामी  जननायक जनता पार्टी (जजपा) पर तंज कसते हुए अभय ने कहा कि जजपा ने झूठे वादे किए और भाजपा की गोद में जाकर बैठ गई। उन्होंने कहा कि लोगों ने जजपा का इलाज कर दिया। इस बार उनकी पार्टी 1 लाख वोट भी नहीं जुटा पाई, जबकि वे 17% वोट की बात करते थे। चौधरी ओम प्रकाश चौटाला की कमी  पहली बार ताऊ देवीलाल की जयंती चौधरी ओम प्रकाश चौटाला के बिना मनाए जाने के सवाल पर अभय ने कहा कि उनकी कमी हर कार्यकर्ता को खल रही है। हालांकि, उन्होंने जोर देकर कहा कि पार्टी कार्यकर्ता चौधरी साहब की देन हैं और उनकी अनुपस्थिति में भी पार्टी को मजबूती से आगे ले जा रहे हैं। इंडिया गठबंधन पर टिप्पणी अभय ने दावा किया कि यदि आईएनएलडी इंडिया गठबंधन का हिस्सा होती, तो हरियाणा और केंद्र में भाजपा की सरकार नहीं बनती। उन्होंने कांग्रेस पर नीतीश कुमार और चंद्रबाबू नायडू को गठबंधन से बाहर करने का आरोप लगाया। उन्होंने राहुल गांधी के वोट चोरी के दावों पर तंज कसते हुए कहा कि कांग्रेस और भाजपा "चोर-चोर मौसेरे भाई" हैं। मनीषा हत्याकांड और अपराध  मनीषा हत्याकांड पर सीबीआई जांच के सवाल पर अभय ने कहा कि उन्हें हरियाणा पुलिस पर भरोसा है, लेकिन भाजपा और कांग्रेस को नहीं। उन्होंने सीबीआई को भाजपा की कठपुतली बताते हुए कहा कि हरियाणा में रोजाना 3-4 हत्याएं, 10 से ज्यादा अपहरण और बलात्कार की घटनाएं हो रही हैं। उन्होंने दावा किया कि यदि आईएनएलडी की सरकार बनी, तो 24 घंटे में अपराध खत्म हो जाएगा, जैसा चौधरी ओम प्रकाश चौटाला के शासनकाल में था। वायरल वीडियो पर टिप्पणी सिरसा विधायक गोकुल सेतिया और जुलाना विधायक विनेश फोगाट की अधिकारियों से बातचीत की वायरल वीडियो पर अभय ने कहा कि ये विधायक अधिकारियों से सम्मानजनक बातचीत नहीं करते और वीडियो बनाकर वायरल करते हैं, जो गलत है। नायब सैनी पर तंज अभय ने मुख्यमंत्री नायब सैनी को "डमी मुख्यमंत्री" करार देते हुए कहा कि हरियाणा में अभी भी मनोहर लाल खट्टर का ही कार्यकाल चल रहा है। 25 सितंबर को विशाल रैली का दावा  अभय ने कहा कि 25 सितंबर को रोहतक में लाखों लोग जुटेंगे और भाजपा को सत्ता से बाहर कर आईएनएलडी को सत्ता में लाने का काम करेंगे। उन्होंने सुखबीर सिंह बादल और उमर अब्दुल्ला को भी रैली में आमंत्रित करने की बात कही।

हरियाणा रोडवेज बस से टकराई कार, कैथल में 4 लोगों की गई जान

कैथल हरियाणा के कैथल जिले में आज सुबह एक दिल दहला देने वाला सड़क हादसा हो गया। जहां जिले के क्योड़क गांव के पास बठिंडा से कुरुक्षेत्र जा रही एक कार हरियाणा रोडवेज की बस से टकरा गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त होकर सड़क पर पलट गई। हादसे में कार सवार चार लोगों की मौके पर ही मौत हो गई जबकि कुछ लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। पंजाब के बठिंडा जिले के रहने वाले थे मृतक  जानकारी के मुताबिक मृतक लोग पंजाब के बठिंडा जिले के रहने वाले थे। वे कार से कुरुक्षेत्र जिले के पिहोवा गुरुद्वारा साहिब में धार्मिक कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे थे। जैसे ही कार कैथल जिले के पास पहुंची, सामने से आ रही हरियाणा रोडवेज की बस से सीधी टक्कर हो गई। टक्कर इतनी तेज थी कि कार बुरी तरह दब गई और पलटकर सड़क किनारे जा गिरी। हादसे की सूचना मिलते ही आस-पास के ग्रामीण मौके पर जुट गए। लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। सदर थाना पुलिस टीम घटनास्थल पर पहुंची और राहत व बचाव कार्य शुरू किया। कार को क्रेन मशीन और गैस कटर की मदद से काटकर अंदर फंसे लोगों को बाहर निकाला गया। मृतकों को पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल भेजा गया जबकि घायलों को इलाज के लिए कैथल के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि हादसे की जांच की जा रही है। कर में सवार चार लोगों की एक्सीडेंट में मौत हो गई है। जबकि बस में सवार यात्रियों को मामूली चोटें आई हैं, हालांकि सभी सुरक्षित हैं। फिलहाल हादसे के कारणों का पता नहीं चल पाया है। हादसे के बाद बस ड्राइवर और कार चालकों की लापरवाही की जांच की जा रही है। वहीं ग्रामीणों ने बताया कि जिस स्थान पर यह हादसा हुआ है, वहां सड़क पर अक्सर तेज रफ्तार गाड़ियां गुजरती हैं। पहले भी यहां कई बार हादसे हो चुके हैं। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की कि इस स्थान पर स्पीड ब्रेकर या ट्रैफिक कंट्रोल व्यवस्था की जाए, ताकि भविष्य में ऐसे हादसों पर रोक लग सके।