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नगर पंचायत बोड़ला को 6 करोड़ के विकास कार्यों की दी सौगात

रायपुर नगर पंचायत बोड़ला को 6 करोड़ के विकास कार्यों की दी सौगात उपमुख्यमंत्री  विजय शर्मा ने नगर पंचायत बोड़ला को विकास की नई दिशा देते हुए 6 करोड़ रुपए से अधिक से विभिन्न विकास एवं निर्माण कार्यों की बड़ी सौगात दी। स्थानीय हॉकी खेल मैदान में आयोजित कार्यक्रम के दौरान उन्होंने विधिपूर्वक पूजा-अर्चना कर विभिन्न निर्माण कार्यों का भूमिपूजन किया तथा डॉ. भीमराव अंबेडकर भवन पहुंचकर कार्यों का लोकार्पण भी किया।  नगर पंचायत बोड़ला को 6 करोड़ के विकास कार्यों की दी सौगात         इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री  शर्मा ने कहा कि नगरीय क्षेत्रों को सुविधाओं से सुसज्जित करना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि खेल सुविधाओं के विस्तार, बुनियादी ढांचे के सुदृढ़ीकरण और सामुदायिक विकास को गति देने के उद्देश्य से किए जा रहे ये कार्य क्षेत्र के समग्र विकास में मील का पत्थर साबित होंगे। उन्होंने कहा कि यह सौगात बोड़ला के आने वाले वर्षों को विकास की दिशा प्रदान करेगी। कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष  ईश्वरी साहू, नगर पंचायत बोड़ला के अध्यक्ष  विजय पाटिल,  नितेश अग्रवाल, उपाध्यक्ष नगर पंचायत  लव निर्मलकर, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष  विदेशी राम धुर्वे,  नन्द वास,  मोहन धुर्वे,  राम किंकर वर्मा,  एम. डी. ठाकुर सहित अन्य जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे। नगर पंचायत बोड़ला को 6 करोड़ के विकास कार्यों की दी सौगात          उपमुख्यमंत्री  विजय शर्मा ने कहा कि बोड़ला नगर में अब बांध से पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित की गई है, जहां पानी फिल्टर प्लांट के माध्यम से शुद्ध होकर घर-घर तक पहुंचेगा। उन्होंने इसे नगरवासियों की लंबे समय से चली आ रही महत्वपूर्ण मांग की पूर्ति बताया और कहा कि ग्रेविटी आधारित यह जल व्यवस्था न केवल सुविधाजनक है, बल्कि टिकाऊ और प्रभावी भी है। पेयजल की बेहतर व्यवस्था और नगर को उन्नत बनाना शासन की प्राथमिकता है। नगर पंचायत बोड़ला को 6 करोड़ के विकास कार्यों की दी सौगात           उपमुख्यमंत्री  शर्मा ने कहा कि बस्तर क्षेत्र में कभी नक्सली जंगलों में बंदूक लेकर घूमते थे, लेकिन अब नक्सल पुनर्वास नीति के तहत वे मुख्यधारा में लौट रहे हैं। उन्होंने बताया कि जो लोग पहले हिंसा के रास्ते पर थे, वे आज लोकतांत्रिक व्यवस्था को समझने के लिए विधानसभा तक पहुंच रहे हैं और वहां की कार्यवाही देख रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी की घोषणा और केंद्रीय गृह मंत्री  अमित शाह के 31 मार्च 2026 तक नक्सलवाद समाप्त करने के संकल्प को प्रदेश में मजबूती से लागू किया गया है। मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने इस दिशा में कार्य करने के लिए पूरी स्वतंत्रता दी है। उन्होंने बताया कि अब तक 600 से अधिक पुनर्वासित नक्सली विधानसभा का भ्रमण कर चुके हैं और लोकतंत्र की प्रक्रिया को करीब से समझ रहे हैं, जबकि ढाई हजार से अधिक नक्सली पुनर्वास योजना के तहत मुख्यधारा में लौट चुके हैं।            उपमुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय के नेतृत्व में सरकार बनने के बाद पहली बार बाहरी व्यक्ति की पहचान के लिए सुनियोजित प्रक्रिया शुरू की गई है। इसके तहत प्रत्येक जिले में टास्क फोर्स का गठन किया गया और संदिग्ध गतिविधियों की सूचना देने के लिए टोल फ्री नंबर भी जारी किया गया। उन्होंने बताया कि प्राप्त सूचनाओं के आधार पर बाहरी व्यक्ति का चिन्हांकन कर उनकी पहचान सुनिश्चित करते हुए आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।  5.12 करोड़ रुपए के विकास कार्यों का हुआ भूमिपूजन          प्रदेश के उपमुख्यमंत्री  विजय शर्मा ने नगर पंचायत बोड़ला में 512.56 लाख रुपए की लागत से विभिन्न विकास एवं निर्माण कार्यों का विधिवत भूमिपूजन किया। इनमें वार्ड क्रमांक 02 में 146.83 लाख रुपए की लागत से उन्नत (हॉकी) खेल मैदान निर्माण प्रमुख है। इसके अलावा वार्ड क्रमांक 10 में विवेकानंद तालाब से निकासी नाला तक 48.95 लाख रुपए की आर.सी.सी. नाली एवं कांस कल्वर्ट निर्माण, 28.53 लाख रुपए की लागत से शौचालय निर्माण, 6.00 लाख रुपए से सामुदायिक भवन के पास प्रवेश द्वार निर्माण तथा 18.20 लाख रुपए से सामुदायिक भवन का अतिरिक्त निर्माण एवं नवीनीकरण कार्य शामिल हैं। इसी क्रम में 97.42 लाख रुपए से राष्ट्रीय राजमार्ग दुर्ग मंदिर से स्टेडियम तक सी.सी. रोड एवं आर.सी.सी. नाली निर्माण, 13.80 लाख रुपए से ओवरहेड टैंक निर्माण, 4.62 लाख रुपए से शेड निर्माण, 8.90 लाख रुपए से पेवर ब्लॉक (फुटपाथ) निर्माण, 6.40 लाख रुपए से विवेकानंद तालाब के पास हॉल निर्माण, 9.27 लाख रुपए से हाई मास्ट लाइट स्थापना, 72.74 लाख रुपए से एन.एच.-30 पुलिया से विवेकानंद सरोवर तक नाली एवं रोड चौड़ीकरण, 46.90 लाख रुपए से बाउंड्रीवाल निर्माण तथा वार्ड क्रमांक 06 में 4.00 लाख रुपए से चौक निर्माण कार्य शामिल हैं। 90 लाख रुपए से अधिक के निर्माण कार्यों का किया लोकार्पण          उपमुख्यमंत्री  विजय शर्मा ने इस अवसर पर 90 लाख रुपए से अधिक की लागत के विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण भी किया। इसके अंतर्गत 73.44 लाख रुपए से निर्मित डॉ. भीमराव अंबेडकर सर्वसुविधायुक्त भवन का लोकार्पण किया गया। इसके साथ ही 10.00 लाख रुपए की लागत से यादव समाज के पास निर्मित सामुदायिक भवन तथा 6.50 लाख रुपए से वार्ड क्रमांक 14 में साहू समाज के पास पानी टंकी के समीप निर्मित सामुदायिक भवन का लोकार्पण भी किया गया। इन कार्यों के पूर्ण होने से नगर पंचायत बोड़ला में नागरिकों को बेहतर आधारभूत एवं सामुदायिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी तथा क्षेत्र के विकास को नई गति मिलेगी।

फतेहगढ़ साहिब बनेगा राजनीतिक केंद्र: 28 मार्च को CM मान और केजरीवाल का बड़ा दौरा

चंडीगढ़ 28 मार्च 2026 को सरहिंद में मुख्यमंत्री भगवंत मान और अरविंद केजरीवाल की बड़ी रैली प्रस्तावित। विधायक लखबीर सिंह राय ने तैयारियों और जनभागीदारी का आह्वान किया। सरहिंद में बड़ी राजनीतिक रैली का ऐलान पंजाब की राजनीति में 28 मार्च 2026 का दिन अहम रहने वाला है, जब Bhagwant Mann और Arvind Kejriwal सरहिंद के अनाज मंडी में एक विशाल जनसभा को संबोधित करेंगे। इस दौरे को लेकर स्थानीय स्तर पर तैयारियां तेज कर दी गई हैं और इसे शक्ति प्रदर्शन के रूप में देखा जा रहा है। विधायक लखबीर सिंह राय ने दी जानकारी फतेहगढ़ साहिब से विधायक Lakhbir Singh Rai ने पत्रकारों से बातचीत में बताया कि यह रैली क्षेत्र के लिए गर्व का अवसर है। उन्होंने कहा कि इतने बड़े स्तर की सभा में इलाके को अपनी एकता, भाईचारा और सामाजिक समरसता दिखाने का मौका मिलेगा। जनभागीदारी बढ़ाने का आह्वान विधायक राय ने सभी पंचायत प्रतिनिधियों, सरपंचों, पार्षदों, ब्लॉक समिति और जिला परिषद के सदस्यों के साथ-साथ आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं और वॉलंटियर्स से अपील की है कि वे इस रैली में बढ़-चढ़कर हिस्सा लें। उनका कहना है कि सामूहिक प्रयास से ही इस आयोजन को ऐतिहासिक बनाया जा सकता है। चार साल के विकास कार्यों का लेखा-जोखा रैली के दौरान पिछले चार वर्षों में क्षेत्र में हुए विकास कार्यों का विवरण भी प्रस्तुत किया जाएगा। विधायक ने कहा कि उन्होंने एक सेवक के रूप में बिना भेदभाव के काम किया है और आगे भी क्षेत्र के समग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध रहेंगे। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि विकास कार्यों में राजनीति से ऊपर उठकर जनता की भलाई को प्राथमिकता दी गई है। राजनीतिक और सामाजिक संदेश यह रैली केवल राजनीतिक आयोजन नहीं बल्कि सामाजिक एकजुटता का भी संदेश देगी। इसमें बड़ी संख्या में लोगों के जुटने की उम्मीद है, जिससे क्षेत्रीय राजनीति में इसका असर देखने को मिल सकता है। सरहिंद की यह सभा आगामी रणनीतियों और जनसमर्थन को मजबूत करने का मंच बनेगी।

झारखंड में रामनवमी की छुट्टी में बदलाव, जानें अब कब मिलेगी छुट्टी

रांची झारखंड में शुक्रवार यानी 27 मार्च को रामनवमी का त्यौहार मनाया जा रहा है। रामनवमी के पर्व को लेकर झारखंड सरकार ने छुट्टी की तारीख में बदलाव किया है। पहले घोषित तारीख में संशोधन करते हुए अब नई तिथि तय की गई है। 27 मार्च को रामनवमी का अवकाश घोषित राज्य सरकार ने रामनवमी की छुट्टी को 26 मार्च से बदलकर अब 27 मार्च कर दिया है। पहले जारी सरकारी सूची में 26 मार्च को रामनवमी के मौके पर एनआईए एक्ट के तहत अवकाश घोषित किया गया था, लेकिन इस साल रामनवमी 27 मार्च को पड़ रही है। इसी दिन रांची समेत राज्य के कई शहरों और क्षेत्रों में शोभा यात्रा भी निकाली जाएगी। इसी को ध्यान में रखते हुए सरकार ने छुट्टी की तारीख में बदलाव करते हुए 27 मार्च को रामनवमी का अवकाश घोषित किया है।  

लापरवाही पड़ी भारी! जल जीवन मिशन में गड़बड़ी पर 26 इंजीनियरों पर गिरी गाज

लखनऊ प्रदेश के हर ग्रामीण घर तक नल से जल पहुंचाने के लिए मिशन मोड में कार्य कर रहे ग्रामीण जलापूर्ति विभाग ने काम में लापरवाही बरतने वाले इंजीनियरों-कर्मचारियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। जल जीवन मिशन परियोजना के कार्यों में लेटलतीफी, लापरवाही करने वाले 26 इंजीनियरों पर निलंबन, विभागीय कार्रवाई, कारण बताओ नोटिस जैसी कार्रवाइयों की गाज गिरी है। नमामि गंगे विभाग के अपर मुख्य सचिव अनुराग श्रीवास्तव ने अधिशासी अभियंता, सहायक अभियंता, और जूनियर इंजीनियर रैंक के 12 इंजीनियरों को निलंबित कर दिया है।  वहीं, चार अधिशासी अभियंताओं के खिलाफ विभागीय अनुशासनिक जांच कराने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा परियोजना के कार्यों में धीमी प्रगति को लेकर तीन अधिशासी अभियंताओं को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। साथ ही विभिन्न योजनाओं से शिकायत मिलने के बाद सात इंजीनियरों का तबादला कर दिया गया है। हाल के दिनों में लेटलतीफी के मामले में जल निगम कर्मियों के खिलाफ यह सबसे बड़ी कार्रवाई है। नमामि गंगे एवं ग्रामीण जलापूर्ति विभाग के अपर मुख्य सचिव अनुराग श्रीवास्तव ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कुशल नेतृत्व में राज्य सरकार हर ग्रामीण घर तक नल से जल पहुंचाने के लिए मिशन मोड पर काम कर रही है। इसमें किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अगर कर्मचारी अपनी कार्यशैली में सुधार नहीं करते हैं, तो बर्खास्तगी का भी एक्शन लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार जनहित से जुड़े कार्यों में पूर्ण पारदर्शिता एवं उत्तरवायित्व सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। किसी भी स्तर पर लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जायेगा। जल निगम ग्रामीण विभाग ने जिन कर्मचारियों के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई की है, उसमें लखीमपुर खीरी के अधिशासी अभियंता अविनाश गुप्ता, जौनपुर के अधिशासी अभियंता सौमित्र श्रीवास्तव, गाजीपुर के अधिशासी अभियंता मो. कासिम हाशमी, चंदौली के कार्यवाहक अधिशासी अभियंता अमित राजपूत, चंदौली के सहायक अभियंता सीताराम यादव, बिजनौर के सहायक अभियंता अकबर हसन, औरैया के जूनियर इंजीनियर अनुराग गोयल, हाथरस के कुलदीप कुमार सिंह, आजमगढ़ के राजेन्द्र कुमार यादव, बरेली के रूप चन्द्र, बाराबंकी के जूनियर इंजीनियर अवनीश प्रताप सिंह और कुशीनगर के कार्यवाहक खंडीय लेखाकार धर्मप्रकाश महेश्वरी शामिल हैं। जल निगम ग्रामीण विभाग ने चार इंजिनियरों के खिलाफ विभागीय अनुशासनिक जांच के आदेश दिए हैं। इसमें औरैया के अधिशासी अभियंता अमन यादव, मैनपुरी के अधिशासी अभियंता अंकित यादव, प्रयागराज के अधिशासी अभियंता प्रवीण कुट्टी, और शामली के कार्यवाहक अधिशासी अभियंता फूल सिंह यादव शामिल हैं। इसके अलावा, तीन गाजियाबाद के अधिशासी अभियंता भारत भूषण, आगरा में तैनात अमित कुमार और मीरजापुर में तैनात राजेश कुमार गुप्ता को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। सहायक अभियंता विपिन कुमार वर्मा को प्रतापगढ़ से चंदौली स्थानांतरित कर दिया गया है। रामपुर में तैनात मो. असजद को रामपुर से चंदौली, प्रदीप कुमार मिश्रा को बाराबंकी से बिजनौर, उदयराज गुप्ता को चंदौली से रामपुर, अमित कुमार को शामली से बाराबंकी, चन्द्र बोध त्यागी को मैनपुरी से आजमगढ, और जूनियर इंजीनियर अजय कुमार को कौशांबी से आजमगढ़ स्थानांतरित कर दिया गया है।

बड़ी जिम्मेदारी! Rinku Singh को मिला रीजनल स्पोर्ट्स ऑफिसर पद, जानें वेतन और कामकाज

नई दिल्ली स्‍टार क्रिकेटर रिंकू सिंह अब क्षेत्रीय क्रीड़ा अधिकारी बन गए हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ उन्‍हें जल्‍द नियुक्ति पत्र देंगे। आईपीएल 2026 की तैयारियों में जुटे रिंकू मंगलवार को नियुक्ति पत्र नहीं ले सके। वह जल्द ही मुख्यमंत्री से मुलाकात कर अपना नियुक्ति पत्र प्राप्त करेंगे। इससे पहले मंगलवार को रिंकू सिंह को दोहरी खुशखबरी मिली थी। उन्हें आईपीएल 2026 सीजन से पहले कोलकाता नाइट राइडर्स की उप-कप्तानी सौंपी गई। फिर उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा उन्हें क्षेत्रीय खेल अधिकारी नियुक्त किया गया। केकेआर के अहम प्‍लेयर हैं रिंकू रिंकू सिंह अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी और शानदार फील्डिंग के दम पर केकेआर के लिए अहम खिलाड़ी रहे हैं। वह 2026 टी20 विश्व कप जीतने वाली भारतीय टीम का भी हिस्सा थे। भारत ने अहमदाबाद में खेले गए फाइनल मुकाबले में न्यूजीलैंड को हराकर अपना तीसरा टी20 विश्व कप खिताब जीता था। इससे पहले भारत ने 2007 और 2024 में भी यह खिताब जीता था। सीएम ने की तारीफ मुख्यमंत्री योगी ने रिंकू की तारीफ करते हुए कहा, "उत्तर प्रदेश देश का पहला राज्य है जिसने सरकारी सेवा में खिलाड़ियों को प्राथमिकता दी है। अब तक हमने विभिन्न पुलिस पदों के लिए 500 से अधिक खिलाड़ियों को नियुक्ति पत्र दिए हैं। क्रिकेट और एशियाई खेलों में उनके प्रदर्शन के लिए रिंकू सिंह को क्षेत्रीय खेल अधिकारी के रूप में नियुक्ति पत्र दिया गया है। वह पहले से ही एक शिविर का हिस्सा हैं, इसलिए वह वहां गए हैं। आज यहां कई अन्य खिलाड़ियों को भी नियुक्ति पत्र मिले हैं।" रिंकू सिंह को क्षेत्रीय खेल अधिकारी के रूप में कौन-कौन से पद मिलेंगे? क्षेत्रीय खेल अधिकारी (RSO) द्वितीय श्रेणी का राजपत्रित अधिकारी होता है। वह खेल गतिविधियों को बढ़ावा देने, खेल स्टेडियमों की देखरेख करने और नई प्रतिभाओं को निखारने के लिए जिम्मेदार होता है। क्षेत्रीय खेल अधिकारी के रूप में रिंकू सिंह का वेतन कितना होगा? क्षेत्रीय खेल अधिकारी के रूप में रिंकू का वेतन 70,000 रुपये से 80,000 रुपये के बीच हो सकता है। 5 सिक्‍स लगाकर बने स्‍टार आईपीएल 2023 के अंतिम ओवर में गुजरात टाइटंस के यश दयाल को लगातार पांच छक्के लगाकर केकेआर को रोमांचक जीत दिलाने के बाद रिंकू रातों रात स्टार बन गए। तब से उन्होंने पीछे मुड़कर नहीं देखा। वह एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक, एशिया कप और हाल ही में टी20 विश्व कप जीतने वाली भारतीय टीम का हिस्सा रहे हैं। रिंकू के अलावा उत्तर प्रदेश सरकार हॉकी खिलाड़ी राजकुमार पाल, भाला फेंक खिलाड़ी अजीत सिंह, धावक सिमरन और पैरालिंपिक स्वर्ण पदक विजेता प्रवीण कुमार सहित 6 अंतरराष्ट्रीय पदक विजेताओं को रोजगार देने जा रही है। 

हैरान कर देने वाली घटना! आम तोड़ने पर गार्ड ने 12 साल के बच्चे को पीट-पीटकर किया अधमरा

बलौदाबाजार एक आम तोड़ने की मामूली-सी बात ने ऐसी दर्दनाक तस्वीर सामने ला दी, जिसने इंसानियत को झकझोर दिया है। 12 वर्षीय दिनेश्वर साहू, जो बचपन की सहज शरारत में निजी सीमेंट कंपनी परिसर से आम तोड़ रहा था, उसे इस कदर सजा दी गई कि वह गंभीर रूप से घायल हो गया। शनिवार शाम करीब साढ़े पांच बजे की घटना में निजी सीमेंट कंपनी रवान के एक सुरक्षा गार्ड ने बच्चे को पकड़कर बेरहमी से जमीन पर पटक-पटक कर पीटा। मासूम का शरीर इस बर्बरता को सह नहीं सका—हड्डियों और अंदरूनी अंगों को गंभीर चोटें आईं, शरीर पर खून के निशान और खरोंच साफ नजर आए। घटना के बाद बच्चा करीब 24 घंटे तक बेहोश रहा, जिसकी हालत बेहद नाजुक बनी रही। फिलहाल उसका इलाज जिला अस्पताल में जारी है। परिजनों के अनुसार, घटना के बाद मामला और भी भयावह हो गया जब कुछ लोगों ने उन्हें रिपोर्ट दर्ज न कराने के लिए डराया-धमकाया। गाली-गलौज और “बुरा अंजाम भुगतने” की चेतावनी देकर दबाव बनाया गया। लेकिन समाज और ग्रामीणों के साथ आने के बाद परिवार ने हिम्मत जुटाई और थाने में शिकायत दर्ज कराई। इस घटना ने पूरे इलाके में आक्रोश फैला दिया है। जिला साहू संघ के पदाधिकारी अस्पताल पहुंचे और बच्चे का हाल जाना। संघ के अध्यक्ष सुनील साहू ने इसे “अमानवीय और शर्मनाक” बताते हुए कहा कि एक मासूम के साथ ऐसी क्रूरता किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने आरोपी गार्ड समेत दबाव बनाने वालों पर सख्त कार्रवाई की मांग की और चेतावनी दी कि न्याय नहीं मिला तो आंदोलन किया जाएगा। संरक्षक रेवाराम साहू ने भी सवाल उठाया—“आम तोड़ना क्या इतना बड़ा अपराध है कि बच्चे को मौत के मुंह में धकेल दिया जाए?” उन्होंने इसे गुंडागर्दी करार देते हुए कठोर कार्रवाई की जरूरत बताई। मामले की गंभीरता को देखते हुए कसडोल विधायक संदीप साहू और जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुमित्रा घृतलहरे भी अस्पताल पहुंचे और पीड़ित से मुलाकात कर पुलिस अधिकारियों से सख्त कार्रवाई की मांग की। ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि इससे पहले भी कंपनी से जुड़े लोगों द्वारा एक अन्य बच्चे के साथ मारपीट हुई थी, जिसकी बाद में मौत हो गई थी। लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाएं सुरक्षा और जवाबदेही पर गंभीर सवाल खड़े कर रही हैं। फिलहाल पुलिस ने एक गार्ड को गिरफ्तार कर लिया है और अन्य आरोपियों की जांच जारी है। लेकिन सवाल अब भी वही है—क्या एक आम की कीमत एक मासूम की जान से ज्यादा हो सकती है?  

वर्ल्ड रिकॉर्ड की ओर अक्षरधाम! 26 मार्च को अनोखी ‘वन-लेग’ प्रतिमा का भव्य उद्घाटन

दिल्ली दिल्ली का स्वामि‍नारायण अक्षरधाम 26 मार्च को एक ऐसे ऐतिहासिक पल का गवाह बनने जा रहा है, जो विश्व रिकॉर्ड के साथ-साथ आध्यात्मिक चेतना का नया केंद्र बनेगा। वैश्विक आध्यात्मिक संस्था BAPS के वर्तमान प्रमुख महंतस्वामी महाराज के सान्निध्य में भगवान स्वामिनारायण (तपोमूर्ति श्रीनीलकंठवर्णी) की 108 फीट ऊंची विशाल प्रतिमा की प्राण-प्रतिष्ठा की जाएगी। विश्व की पहली 'एक चरण' पर टिकी 108 फीट की प्रतिमा पंचधातु (मुख्य रूप से कांस्य) से निर्मित यह प्रतिमा कला और इंजीनियरिंग का अद्भुत संगम है। इसकी सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यह पूरी प्रतिमा 'एक पैर' पर खड़ी है, जो भगवान नीलकंठवर्णी की कठिन तपस्या का प्रतीक है।  ऊंचाई: 108 फीट (8 फीट ऊंचे बेस पर स्थापित)। निर्माण: अक्षरधाम के शिल्पी संतों और करीब 50 कुशल कारीगरों ने एक वर्ष के कड़े पुरुषार्थ से इसे तैयार किया है। महत्व: यह प्रतिमा मुक्तिनाथ (नेपाल) में भगवान द्वारा की गई चार महीने की उस कठोर तपस्या को जीवंत करती है, जो उन्होंने लोक-कल्याण के लिए की थी। महंतस्वामी महाराज का दिल्ली आगमन और उत्सव की धूम ब्रह्मस्वरूप महंतस्वामी महाराज 19 मार्च को दिल्ली पधारे, जिसके बाद से ही अक्षरधाम में उत्सव का माहौल है। 21 मार्च: भव्य स्वागत सभा का आयोजन किया गया। 22 मार्च: पंचकुला और कुरुक्षेत्र के नवनिर्मित मंदिरों की मूर्ति प्रतिष्ठा के साथ संतों-भक्तों ने 'फूलों की होली' का आनंद लिया। 23 मार्च: आगामी सितंबर में पेरिस (फ्रांस) में स्थापित होने वाली प्रतिमा का विशेष पूजन किया गया। नीलकंठवर्णी: 11 वर्ष की आयु में 12,000 KM की पदयात्रा भगवान स्वामिनारायण ने मात्र 11 वर्ष की अल्पायु में गृह त्याग कर 'नीलकंठवर्णी' के रूप में संपूर्ण भारत की यात्रा की थी। हिमालय से रामेश्वरम और जगन्नाथ पुरी से द्वारका तक, उन्होंने 7 वर्षों में 12,000 किलोमीटर से अधिक की पैदल यात्रा कर तप, त्याग और करुणा का संदेश फैलाया। यह तपोमूर्ति उन्हीं वैश्विक मूल्यों (मैत्री, सुहृद्भाव और मानव सेवा) को जन-जन तक पहुंचाने का माध्यम बनेगी। विश्व शांति महायज्ञ और लोकार्पण का समय महोत्सव का शुभारंभ 25 मार्च की सुबह ‘श्रीनीलकंठवर्णी विश्व शांति महायज्ञ’ के साथ हुआ। इस वैदिक अनुष्ठान में भाग लेने के लिए अमेरिका, यूके, अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया सहित दुनिया भर से 300 से अधिक संत दिल्ली पहुंचे हैं। महंतस्वामी महाराज ने आकाश में श्वेत कबूतर उड़ाकर विश्व शांति और युद्धों की समाप्ति की प्रार्थना की।  

पंजाब शिक्षा विभाग में क्लर्क भर्ती पर सवाल, 63 में से सिर्फ दो पास, फेल अभ्यर्थियों को लास्ट चांस

होशियारपुर (पंजाब) फरवरी 2026 में भाषा विभाग पंजाब द्वारा आयोजित इस परीक्षा में कुल 63 उम्मीदवार शामिल थे। इनमें से केवल दो ही उम्मीदवार पंजाबी और अंग्रेजी दोनों टाइपिंग टेस्ट पास कर सके, जिससे उनकी नौकरी पक्की होने की राह आसान हुई है। पंजाब स्कूल शिक्षा विभाग ने अनुकंपा आधार पर नियुक्त क्लर्कों के लिए आयोजित टाइपिंग टेस्ट का परिणाम घोषित कर दिया है। जो परिणाम आया है वह बेहद ही निराशाजनक और हैरान कर देने वाला है। नतीजों ने कर्मचारियों के प्रदर्शन को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। फरवरी 2026 में भाषा विभाग पंजाब द्वारा आयोजित इस परीक्षा में कुल 63 उम्मीदवार शामिल थे। इनमें से केवल दो ही उम्मीदवार पंजाबी और अंग्रेजी दोनों टाइपिंग टेस्ट पास कर सके, जिससे उनकी नौकरी पक्की होने की राह आसान हुई है। एक उम्मीदवार ने आंशिक सफलता हासिल करते हुए अंग्रेजी टाइपिंग टेस्ट पास किया, लेकिन पंजाबी (रावी फॉन्ट) में असफल रहा। परिणामों का सबसे चिंताजनक पहलू बड़ी संख्या में उम्मीदवारों का अनुपस्थित रहना रहा। 63 में से 40 उम्मीदवार परीक्षा में शामिल ही नहीं हुए। विभागीय सूत्रों के अनुसार, बार-बार अवसर दिए जाने के बावजूद इस तरह की अनुपस्थिति प्रशासनिक कार्यों को प्रभावित कर रही है। बाकी 20 उम्मीदवार परीक्षा में असफल रहे, जिनमें से अधिकांश पंजाबी टाइपिंग (रावी फॉन्ट) में निर्धारित मानकों को पूरा नहीं कर सके। विभाग ने असफल या अनुपस्थित रहे उम्मीदवारों को एक अंतिम अवसर देते हुए जून 2026 में पुनः टाइपिंग टेस्ट आयोजित करने की घोषणा की है। इच्छुक उम्मीदवारों को 15 अप्रैल 2026 तक अपने नाम संबंधित जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) के माध्यम से भेजने होंगे। विभाग ने स्पष्ट किया है कि अगली परीक्षा के लिए आवेदन केवल रावी फॉन्ट में ही स्वीकार किए जाएंगे, जिससे निर्धारित मानकों का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जा सके। फरवरी 2026 टाइपिंग टेस्ट का संक्षिप्त विवरण कुल उम्मीदवार: 63 अनुपस्थित: 40 असफल: 20 पूर्ण रूप से पास: 2 आंशिक रूप से पास: 1

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने किया जन-मन सभागार का भूमि पूजन मुख्यमंत्री निवास परिसर में बनेगा विशाल ऑडिटोरियम

भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अपने जन्म दिवस पर मुख्यमंत्री निवास परिसर में निर्मित होने वाले जन-मन सभागार और चिंतन भवन का भूमि पूजन किया। मुख्यमंत्री निवास परिसर में विद्यमान डोम के स्थान पर विशाल ऑडिटोरियम कानिर्माण होना है। इसका क्षेत्रफल 2226.70 वर्गमीटर होगा। इसमें दो हजार लोगों के बैठने की व्यवस्था के साथ ही वीआईपी लाउंज होगा। अन्नप्रसादम के नाम से बनने वाले भोजन क्षेत्र में लगभग दो हजार लोगों के बैठने की व्यवस्था प्रस्तावित है। जन-मन सभागार में साउंड सिस्टम, एलईडी स्क्रीन्स, ध्वनि इन्सुलेशन के लिए एकोस्टिक पैनल की विशेष व्यवस्था होगी। इसके साथ ही समत्व भवन में प्रथम तल पर गेस्ट हाऊस-चिंतन का निर्माण किया जाएगा। चिंतन के रूप में विकसित हो रहे गेस्ट हाऊस में दो कक्ष, डाइनिंग रूम, वीआईपी लाउंज आदि होंगे। इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव  नीरज मंडलोई, लोक निर्माण विभाग के प्रमुख सचिव  सुखबीर सिंह तथा अन्य अधिकारी उपस्थित थे।  

870 युवा अधिकारियों को दी बधाई, कहा – संवेदनशीलता, ईमानदारी और दक्षता से निभाएं जनसेवा का दायित्व

रायपुर कैबिनेट मंत्री  राजेश अग्रवाल ने चंदखुरी स्थित राज्य पुलिस अकादमी में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे युवा पुलिस अधिकारियों से की मुलाकात चंदखुरी स्थित राज्य पुलिस अकादमी में में प्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री  राजेश अग्रवाल ने नव-नियुक्त युवा पुलिस अधिकारियों से मुलाकात कर प्रशिक्षण पूर्ण करने पर उन्हें बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि पुलिस की वर्दी केवल एक परिधान नहीं, बल्कि विश्वास, कर्तव्य और त्याग का प्रतीक है, जिसे धारण करने वाले प्रत्येक अधिकारी पर समाज की सुरक्षा और न्याय की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी होती है। कैबिनेट मंत्री  राजेश अग्रवाल ने चंदखुरी स्थित राज्य पुलिस अकादमी में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे युवा पुलिस अधिकारियों से की मुलाकात मंत्री  अग्रवाल ने अपने उद्बोधन में कहा कि जब एक सामान्य नागरिक निश्चिंत होकर सोता है, तो उसकी सुरक्षा की जिम्मेदारी पुलिस निभाती है। जब अंधेरे में कोई भयभीत होता है, तो उसे उम्मीद भी पुलिस से ही होती है। ऐसे में पुलिस केवल एक संस्था नहीं, बल्कि समाज के विश्वास का आधार है। उन्होंने आगे कहा कि आज 870 युवा प्रशिक्षु अधिकारी ऐसे मुकाम पर खड़े हैं, जहां से वे छत्तीसगढ़ की सुरक्षा, शांति और न्याय व्यवस्था की मजबूत रीढ़ बनने जा रहे हैं। यह केवल उनकी व्यक्तिगत सफलता नहीं, बल्कि पूरे राज्य के विश्वास और अपेक्षाओं का प्रतीक है। राज्य में बदलते सुरक्षा परिदृश्य का उल्लेख करते हुए मंत्री  अग्रवाल ने कहा कि छत्तीसगढ़ ने पिछले वर्षों में नक्सलवाद जैसी बड़ी चुनौती पर प्रभावी नियंत्रण पाया है। उन्होंने इसके लिए देश के नेतृत्व और सुरक्षा बलों के साहस व समर्पण की सराहना की। उन्होंने कहा कि अब चुनौतियां बदल चुकी हैं। साइबर अपराध, संगठित अपराध, महिला एवं बाल सुरक्षा तथा सोशल मीडिया के माध्यम से फैलती अफवाहें नई चुनौतियां हैं, जिनसे निपटने के लिए पुलिस अधिकारियों को तकनीकी रूप से दक्ष और संवेदनशील बनना होगा। मंत्री  अग्रवाल ने कहा कि इस बैच में लगभग एक चौथाई बेटियों की भागीदारी प्रदेश के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने महिला अधिकारियों को समाज में सुरक्षा और सशक्तिकरण की नई पहचान बताया। उन्होंने सभी प्रशिक्षुओं से अपेक्षा की कि वे जनता के साथ संवेदनशीलता और सम्मान का व्यवहार करें तथा अपने कार्य में ईमानदारी और निष्पक्षता को सर्वाेपरि रखें। उन्होंने यह भी कहा कि एक अच्छा पुलिस अधिकारी वही होता है, जो अपनी टीम को साथ लेकर चलता है और संकट की घड़ी में सबसे आगे खड़ा रहता है। साथ ही, जहां भी उनकी नियुक्ति हो, वहां की स्थानीय संस्कृति और परंपराओं का सम्मान करते हुए जनता के साथ विश्वास का रिश्ता बनाना चाहिए। अपने संबोधन के अंत में मंत्री  अग्रवाल ने कहा कि “डर पैदा मत कीजिए, विश्वास पैदा कीजिए। शक्ति का प्रदर्शन मत कीजिए, न्याय का संरक्षण कीजिए। वर्दी केवल तन पर नहीं, बल्कि अपने चरित्र और आत्मा में धारण कीजिए।” उन्होंने आशा व्यक्त की कि जिस दिन कोई नागरिक यह कहे कि “पुलिस है, इसलिए मैं सुरक्षित हूं”, उसी दिन एक पुलिस अधिकारी की वर्दी सार्थक होगी। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक डॉ. अभिषेक पल्लव, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. पंकज शुक्ला सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारीगण भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में मंत्री  अग्रवाल ने सभी नव-नियुक्त अधिकारियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए उन्हें साहस, ईमानदारी और समर्पण के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करने का संदेश दिया।