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20 फरवरी डेडलाइन: दिल्ली विधानसभा ने पंजाब अधिकारियों को आखिरी चेतावनी दी

नई दिल्ली दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी (आप) नेता आतिशी मार्लेना की टिप्पणी से जुड़े मामले में दिल्ली विधानसभा की विशेषाधिकार कमेटी ने पंजाब सरकार के अफसरों से अपना जवाब देने को 20 फरवरी तक अंतिम मौका दिया है।   दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी (आप) नेता आतिशी मार्लेना की टिप्पणी से जुड़े मामले में दिल्ली विधानसभा की विशेषाधिकार कमेटी ने पंजाब सरकार के अफसरों से अपना जवाब देने को 20 फरवरी तक अंतिम मौका दिया है। कमेटी ने शिकायत की कॉपी, एफआईआर और फोरेंसिक रिपोर्ट भी तलब की है। किन-किन अफसरों कों भेजा पत्र दिल्ली विधानसभा की विशेषाधिकार कमेटी ने पत्र लिखकर पंजाब के अतिरिक्त मुख्य सचिव (गृह), पंजाब के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) और जालंधर के पुलिस कमिश्नर को निर्देश दिया है कि वे विपक्ष की नेता आतिशी से संबंधित कथित टिप्पणियों के मामले में अपना लिखित उत्तर 20 फरवरी 2026 तक अनिवार्य रूप से प्रस्तुत करें। पत्र में कमेटी ने स्पष्ट किया है कि यह तिथि अंतिम अवसर के रूप में मानी जाएगी और इसके बाद कोई अतिरिक्त समय नहीं दिया जाएगा। कमेटी ने अतिरिक्त मुख्य सचिव (गृह), पंजाब सरकार से इस प्रकरण से संबंधित महत्वपूर्ण दस्तावेज भी मांगे हैं। इनमें शिकायत की कॉपी एवं उसके संलग्नक, जिनके आधार पर एफआईआर दर्ज की गई, एफआईआर की कमेटी, पंजाब पुलिस के सोशल मीडिया विशेषज्ञ (टेक्निकल सेल) की रिपोर्ट तथा पंजाब की फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी की रिपोर्ट शामिल हैं। जानकारी नहीं देने को अवमानना माना जाएगा कमेटी ने निर्देश दिया है कि सभी जवाब और दस्तावेज निर्धारित समय सीमा के भीतर प्रस्तुत किए जाएं, ताकि प्रक्रिया एवं कार्य संचालन नियमों के अनुसार उन पर विचार किया जा सके। समय पर जानकारी उपलब्ध नहीं कराने की स्थिति में इसे विशेषाधिकार हनन एवं अवमानना के रूप में देखा जा सकता है। पंजाब सरकार ने क्या कहा था यह भी उल्लेखनीय है कि 12 फरवरी 2026 को पंजाब सरकार के अतिरिक्त मुख्य सचिव (गृह), कार्यालय द्वारा भेजे गए पत्र में कहा गया है कि 5 फरवरी 2026 को दिल्ली विधानसभा सचिवालय द्वारा भेजे गए पत्र से पूर्व इस मामले में कोई डायरेक्ट कम्युनिकेशन प्राप्त नहीं हुआ था। पत्र में यह भी बताया गया है कि डीजीपी पंजाब, पुलिस कमिश्नर जालंधर तथा डायरेक्टर फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी, पंजाब की टिप्पणियां दिल्ली के संबंधित कार्यालयों को भेज दी गई हैं। साथ ही, एक विस्तृत और समेकित औपचारिक उत्तर तैयार किया जा रहा है, जिसे सक्षम प्राधिकारी की स्वीकृति के लिए प्रस्तुत किया गया है। यह मामला सदन के पटल पर दिए गए वक्तव्यों तथा उसके पश्चात पंजाब पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई के संदर्भ में विशेषाधिकार हनन और अवमानना की शिकायतों से संबंधित है। विशेषाधिकार कमेटी वर्तमान में इस पूरे प्रकरण की जांच कर रही है, जिसमें संबंधित अधिकारियों के आचरण तथा दिल्ली विधानसभा सचिवालय द्वारा मांगी गई सूचनाओं और पत्राचार के निपटान की प्रक्रिया भी शामिल है।  

Noise Control पर सख्ती: इंदौर में 10 बजे के बाद लाउडस्पीकर बजाना मना

इंदौर जिले में आगामी आयोजनों और वैवाहिक कार्यक्रमों में रात्रि दस बजे बाद लाउडस्पीकर बजाना प्रतिबंधित रहेगा। नियमों को उल्लंघन करने पर संबंधित पर कार्रवाई की जाएगी। मैरिज गार्डन और अन्य वैवाहिक स्थलों के संचालकों को भी इस नियम का पालन करना होगा। संचालको को आयोजन से पूर्व अनुमति लेना अनिवार्य होगा और आदेश की प्रति कार्यक्रम स्थल पर प्रदर्शित करनी होगी। मीटिंग के बाद लिया गया फैसला आसपास के रहवासियों को असुविधा भी नहीं होना चाहिए। जिला प्रशासन द्वारा ध्वनि प्रदूषण नियंत्रण को लेकर शनिवार को मैरिज गार्डन, मैरिज हाल और अन्य वैवाहिक स्थलों के संचालकों के साथ बैठक आयोजित की गई। अपर कलेक्टर रोशन राय ने ध्वनि विस्तारक यंत्रों के उपयोग संबंधी जारी प्रतिबंधात्मक आदेश की जानकारी दी। साथ ही निर्देश दिए कि निर्धारित समयावधि के बाहर लाउडस्पीकर या डीजे का उपयोग पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। नियम उल्लंघन पर होगी कार्रवाई रात्रि 10 बजे के बाद ध्वनि उपकरणों का संचालन, विशेष अनुमति के बिना, नहीं किया जा सकेगा। ध्वनि स्तर तय मानकों से अधिक पाए जाने पर संबंधित संचालक के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। यह भी पढ़ें- धार्मिक स्थलों पर लाउडस्पीकर के इस्‍तेमाल पर स्वामी निश्चलानंद सरस्वती का बड़ा बयान, बोले- धर्म स्थलों पर शांति से हो पूजा बैठक में एसडीएम प्रदीप सोनी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी और बड़ी संख्या में संचालक उपस्थित रहे। प्रशासन ने सामाजिक कार्यक्रमों की गरिमा और नागरिकों की सुविधा के बीच संतुलन बनाए रखने पर जोर दिया। पियानो प्रोजेक्ट में पुलिस का छापा, स्पीकर-मिक्सर और सिस्टम जब्त देर रात तेज आवाज में गाने बजा रहने क्लब पर पुलिस ने छापा मार कार्रवाई की है। मैनेजर के विरूद्ध कायमी कर क्लब से स्पीकर,साउंड सिस्टम, मिक्सर जब्त कर लिए है। संचालक को भी नोटिस भेजा गया है। विजयनगर पुलिस के अनुसार कार्रवाई थाना के सामने स्थित अपोलो प्रीमियम में पियानो प्रोजेक्ट पर की गई है। रात 11:30 बजे तक तेज गानों की आवाज सुनाई दे रही थी। एसीपी पराग सैनी और टीआइ सीके पटेल ने दबिश दी। पुलिस ने मैनेजर रंजन चक्रवर्ती के खिलाफ कोलाहल नियंत्रण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर लिया। पुलिस ने मौके से साउंड सिस्टम भी जब्त कर लिया। भंवरकुआं पुलिस ने भी द हेवन फूड कैफे (भोलाराम उस्ताद मार्ग) पर कार्रवाई की है। संचालक योगेश माहेश्वरी निवासी कुशवाह नगर के खिलाफ कायमी की है। कैफे में तेज आवाज में गाने बज रहे थे।    

कोबरा बटालियन के जवानों की सड़क दुर्घटना में मौत, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने दी श्रद्धांजलि

रायपुर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज धमतरी में हुए सड़क हादसे में कोबरा बटालियन के जवानों के असामयिक निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है. उन्होंने कहा कि राष्ट्रसेवा में समर्पित हमारे जांबाज जवानों का निधन अत्यंत हृदयविदारक है. यह अपूरणीय क्षति है. मुख्यमंत्री साय ने दिवंगत जवानों को विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि देश की आंतरिक सुरक्षा और शांति व्यवस्था बनाए रखने में कोबरा बटालियन के जवानों की भूमिका सदैव महत्वपूर्ण रही है. मुख्यमंत्री ने शोकाकुल परिजनों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि इस दुख की घड़ी में राज्य सरकार पूरी संवेदनशीलता और प्रतिबद्धता के साथ प्रभावित परिवारों के साथ खड़ी है. मुख्यमंत्री साय ने ईश्वर से दिवंगत आत्माओं की शांति तथा घायल जवान के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की है. उन्होंने कहा कि राज्य सरकार हर आवश्यक सहयोग प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है. उन्होंने संबंधित अधिकारियों को घायल जवान के समुचित उपचार की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं.

उप मुख्यमंत्री देवड़ा ने महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर दी प्रदेशवासियों को शुभकामनाएँ और बधाई।

भोपाल. उप मुख्यमंत्री  जगदीश देवड़ा ने महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर प्रदेशवासियों को शुभकामनाएँ और बधाई दी है। उन्होंने कहा कि महाशिवरात्रि भगवान शिव की आराधना, आस्था, तप और आत्मशुद्धि का पर्व है। यह दिन हमें सत्य, संयम, करुणा और सदाचार के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। उन्होंने कामना की कि भगवान भोलेनाथ की कृपा से प्रदेश में सुख, शांति, समृद्धि और खुशहाली बनी रहे। उप मुख्यमंत्री ने नागरिकों से आग्रह किया कि वे इस पावन अवसर पर सामाजिक सद्भाव, पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें तथा जरूरतमंदों की सहायता कर पर्व की सार्थकता बढ़ाएँ। उन्होंने कहा कि महाशिवरात्रि का यह पावन पर्व प्रदेश के विकास, प्रगति और जनकल्याण के संकल्प को और मजबूत करने का अवसर भी है।  

PM आवास में नंबर वन जिला बना बिलासपुर

बिलासपुर. प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के प्रभावी क्रियान्वयन में जिले ने राज्य स्तर पर उल्लेखनीय उपलब्धि दर्ज की है. कलेक्टर संजय अग्रवाल के निर्देशन एवं मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत संदीप अग्रवाल के मार्गदर्शन में जिले ने 40 हजार से अधिक आवास पूर्ण कर प्रदेश में पहला स्थान प्राप्त किया है. 12,337 तथा तखतपुर में 7,930 आवास पूर्ण हुए हैं. वतर्मान में 30,983 आवास निर्माणाधीन हैं, जिन्हें समय-सीमा में पूर्ण कराने हेतु विशेष प्रयास किए जा रहे हैं. अपूर्ण आवासों को शीघ्र पूर्ण कराने के उद्देश्य से 12 फरवरी 2026 को जिले की समस्त ग्राम पंचायतों में विशेष महाअभियान चलाया गया. बिहान केडर की दीदियों सहित एफएलसीआरपी /आरसी, सक्रिय महिला, पशु सखी, कृषि सखी, स्व-सहायता समूह की महिलाओं, आवास मित्र एवं पंचायत सचिवों द्वारा घर-घर संपर्क कर हितग्राहियों को निर्माण कार्य में तेजी लाने हेतु प्रेरित किया गया. इस अभियान में नारी शक्ति की सक्रिय भागीदारी ने निर्माण कार्य को नई गति प्रदान की है. जिला प्रशासन द्वारा सभी अपूर्ण आवासों को 30 जून 2026 तक पूर्ण कराने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है.

इंदौर में मौसम के उतार-चढ़ाव से स्वास्थ्य पर असर, एमवाय अस्पताल में मरीजों की भीड़

इंदौर  मौसम में लगातार हो रहे बदलाव का असर अब लोगों की सेहत पर साफ दिखाई देने लगा है। दिन में तेज धूप और गर्मी बढ़ी जबकि रात में ठंडक के कारण शरीर का संतुलन बिगड़ रहा है। इसका सीधा असर वायरल फीवर के रूप में सामने आ रहा है। एमवाय अस्पताल में ही एक दिन में करीब एक हजार मरीज इलाज के लिए पहुंच रहे हैं। शहर के शासकीय और निजी अस्पतालों में बुखार, सर्दी-खांसी, गले में खराश और बदन दर्द की शिकायत लेकर आने वाले मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। डॉक्टरों का कहना है कि इस समय मौसम का उतार-चढ़ाव संक्रमण के लिए अनुकूल माहौल बना रहा है। दिन में पसीना और रात में ठंडी हवा चलने से लोग जल्दी बीमार पड़ रहे हैं। खासतौर पर वे लोग ज्यादा प्रभावित हो रहे हैं, जो देर रात तक बाहर रहते हैं या ठंड-गर्मी के बीच लापरवाही बरतते हैं। शादियों का सीजन भी बढ़ा रहा खतरा इन दिनों शादी समारोह का सीजन चल रहा है। देर रात तक कार्यक्रमों में शामिल होना, ठंडी चीजें खाना, नींद पूरी न होना और भीड़भाड़ में समय बिताने से भी वायरल संक्रमण फैलने की बड़ी वजह सामने आई है। डाक्टरों के अनुसार कई लोग हल्का बुखार या सर्दी होने के बाद भी इसे नजरअंदाज कर रहे हैं, जिससे स्थिति गंभीर हो रही है। संक्रमण परिवार के अन्य लोगों तक भी फैल रहा है। गंभीर बीमारियों वाले मरीजों के लिए ज्यादा जोखिम शुगर, बीपी, कैंसर, ह्दय रोग, लिवर, अस्थमा, गर्भवती महिलाओं और किडनी से संबंधित बीमारी से पीड़ित लोगों के लिए यह मौसम ज्यादा खतरनाक साबित हो रहा है। वायरल फीवर होने पर इन बीमारियों से पीड़ित मरीजों की रिकवरी धीमी हो जाती है। कई बार उनकी स्थिति बिगड़ने पर अस्पताल में भर्ती तक कराना पड़ रहा है। शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर होने के कारण संक्रमण का असर ज्यादा समय तक बना रहता है। बच्चों और बुजुर्गों पर ज्यादा असर डॉक्टरों के अनुसार छोटे बच्चों और बुजुर्गों में भी वायरल फीवर के मामले बढ़ रहे हैं। तापमान में अचानक बदलाव से उनकी इम्युनिटी जल्दी प्रभावित होती है, जिससे बुखार और खांसी लंबे समय तक बनी रहती है। ऐसे में विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। बचाव ही सबसे बड़ा इलाज इस मौसम में हल्के गर्म कपड़े साथ रखना, ठंडी चीजों से परहेज करना और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर सावधानी बरतना जरूरी है। संतुलित आहार, पर्याप्त पानी, फल-सब्जियां और भरपूर नींद शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत बनाते हैं। रोजाना वायरल के एक हजार मरीज     वायरल फीवर, शरीर एवं जोड़ों का दर्द, भूख कम होना। इसमें सामान्य मरीज जो जल्दी ठीक हो जाते हैं, लेकिन बीपी, किडनी, कैंसर, ह्दय रोग, शुगर, गर्भवती महिलाओं, अस्थमा मरीजों को इंफेक्शन की वजह से अस्पताल में भर्ती करना पड़ता है। ये हाई रिस्क मरीज हैं। शादी समारोह के कारण इन दिनों वायरल फीवर ज्यादा बढ़ रहा है। एमवाय के मेडिसिन विभाग में रोजाना 400, चाचा नेहरू अस्पताल में 400 बच्चे और एमटीएच में 200 गर्भवती महिलाएं वायरल फीवर के इलाज के लिए आ रही हैं। इस तरह करीब एक हजार मरीज रोजाना आ रहे हैं।- डॉ. धर्मेंद्र झंवर, प्रो. मेडिसिन विभाग, एमजीएम मेडिकल कॉलेज  

बिहार बोर्ड और CBSE 10वीं की 17 फरवरी से होगी परीक्षा

पटना. बिहार विद्यालय परीक्षा समिति की मैट्रिक वार्षिक परीक्षा 2026 का आयोजन 17 से 25 फरवरी तक होगा। परीक्षा राज्य के सभी जिलों में निर्धारित केंद्रों पर आयोजित की जाएगी। प्रथम पाली के लिए सुबह 8:30 बजे से प्रवेश मिलेगा। द्वितीय पाली के लिए दोपहर एक बजे से प्रवेश की अनुमति रहेगी। परीक्षा शुरू होने से आधा घंटा पहले मुख्य द्वार बंद कर दिया जाएगा। छात्रों को समय से पहले केंद्र पहुंचने की सलाह दी गई है। प्रथम पाली की परीक्षा से पहले प्रवेश एक घंटा पूर्व से शुरू होगा। दोपहर 1:30 बजे द्वितीय पाली के लिए मुख्य द्वार बंद कर दिया जाएगा। लेट पहुंचने वाले छात्रों को प्रवेश नहीं मिलेगा। एडमिट कार्ड और आवश्यक दस्तावेज साथ रखना जरूरी है। केंद्र पर अनुशासन और नियमों का पालन अनिवार्य होगा। बोर्ड ने सभी छात्रों से निर्देशों का गंभीरता से पालन करने को कहा है। CBSE की परीक्षा भी 17 से इसी दिन से Central Board of Secondary Education की 10वीं परीक्षा भी शुरू हो रही है। राज्य में हजारों छात्र दोनों बोर्ड की परीक्षाओं में शामिल होंगे। परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा और व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। अभिभावकों से भी अपील की गई है कि बच्चों को समय से भेजें। परीक्षा के दौरान अनुचित साधनों के प्रयोग पर सख्ती रहेगी। सभी केंद्रों पर निगरानी की व्यवस्था की गई है। बिना तनाव ऐसे करें रिविजन विशेषज्ञों का कहना है कि परीक्षा से पहले हल्का और योजनाबद्ध रिविजन करें। आखिरी समय में नया विषय शुरू करने से बचें। छोटे-छोटे ब्रेक लेकर पढ़ाई करें ताकि दिमाग तरोताजा रहे। पर्याप्त नींद और संतुलित आहार भी जरूरी है। सकारात्मक सोच और आत्मविश्वास सफलता की कुंजी है। तनाव मुक्त रहकर परीक्षा देने से बेहतर प्रदर्शन संभव है।

खुले नाले ने ली मासूम की जान, पटना में दो साल की बच्ची की दर्दनाक मौत

पटना पटना में दिल्ली की तरह हादसा हुआ है, जहां एक खुले नाले के चैंबर में गिरकर दो साल की मासूम बच्ची की मौत हो गई। घटना फुलवारीशरीफ की है। स्थानीय लोगों ने नगर परिषद पर लापरवाही का आरोप लगाया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। खुले नाले में गिरने से दो साल की बच्ची की मौत, अब पटना में दिल्ली जैसा हादसा बिहार के पटना में खुले नाले में गिरने से शनिवार को दो साल की मासूम बच्ची की जान चली गई। घटना फुलवारीशरीफ के रायचौक की है। बताया जा रहा है कि बच्ची खेलते-खेलते नाले के पास चली गई और उसके खुले चेंबर के अंदर गिर गई। स्थानीय लोगों ने प्रशासन की लापरवाही से बच्ची की मौत का आरोप लगाया है। हाल के दिनों में ऐसी कुछ घटनाएं दिल्ली और नोएडा जैसे शहरों से भी आ चुकी हैं, जहां खुले मैनहोल और गड्ढों में गिरकर लोगों की जानें चली गईं। उनमें भी प्रशासनिक लापरवाही सामने आई थीं। पटना के फुलवारीशरीफ में नाले में गिरकर जान गंवाने वाली दो साल की मासूम का नाम खादिजा था। शनिवार को वह लापता हुई तो घर वालों ने उसकी खोजबीन शुरू की। आसपास के लोगों से पूछने के बाद भी कहीं बच्ची का पता नहीं चला तो इलाके के सीसीटीवी फुटेज खंगालने शुरू किए। जब नाले के पास स्थित एक मकान का सीसीटीवी फुटेज देखा गया, तो बच्ची खुले चैंबर में गिरती हुई नजर आई। इसके बाद तुरंत बच्ची को नाले से निकाला गया और पटना एम्स ले जाया गया। हालांकि, अस्पताल के डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस घटना के बाद घर में मातम छा गया। बच्ची का परिवार मूलरूप से असम का रहने वाला बताया जा रहा है। इस घटना से स्थानीय लोगों में काफी आक्रोश है। उन्होंने फुलवारीशरीफ नगर परिषद पर लापरवाही का आरोप लगाया है। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। लोगों का कहना है कि खुले नाले को कई जगहों पर ढंका नहीं गया है, इस वजह से हादसा हो गया। दिल्ली में समस्तीपुर के मजदूर की ऐसे ही हुई मौत समस्तीपुर जिले से मजदूरी करने दिल्ली गए बिरजू कुमार की 5 दिन पहले खुले मैनहोल में गिरने से मौत हो गई थी। यह घटना रोहिणी क्षेत्र में हुई। बताया गया कि बीते सोमवार की रात को बिरजू रास्ते से गुजर रहा था। तभी एक खुले मैनहॉल में गिर गया। मंगलवार को इसकी सूचना प्रशासन को मिली तो फायर ब्रिगेड की टीम ने उसकी तलाश की। शाम को उसका शव मैनहोल से निकाला गया। बिरजू की मौत के बाद बिहार में मौजूद उसकी बूढ़ी मां, जवान पत्नी और तीन बच्चों के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया। इससे पहले, 5 फरवरी को भी दिल्ली में ऐसा एक और हादसा हुआ था। बैंक कर्मी 25 वर्षीय कमल ध्यानी बाइक से घर लौट रहा था। तभी वह दिल्ली जल बोर्ड द्वारा खोदे गए 15 फीट गहरे खुले गड्ढे में जा गिरा और उसकी मौत हो गई। पिछले महीने दिल्ली से सटे नोएडा में भी सॉफ्टवेयर इंजीनियर युवराज मेहरा की ऐसे ही मौत हुई थी। उसकी कार 16-17 जनवरी की रात को एक पान से भरे गड्ढे में समा गई थी। मदद के लिए घंटों इंतजार के बाद भी उसकी जान नहीं बचाई जा सकी थी। इन मामलों में प्रशासन की लापरवाही को उजागर किया और देश भर में चर्चा का विषय बने।

शिक्षा में उत्कृष्टता की ओर कदम — एमबी पावर स्कूल अब DAV प्रबंधन के साथ।

अनुपपुर. एमबी पावर (मध्य प्रदेश) लिमिटेड, प्रबंधन के द्वारा, परियोजना टाउनशिप स्थित 10+2 सीबीएसई संबद्ध विद्यालय का संचालन एवं प्रबंधन, DAV कॉलेज ट्रस्ट एवं मैनेजमेंट सोसायटी को सौंपने का निर्णय लिया गया है। यह निर्णय विद्यालय के शैक्षणिक मानकों, आधारभूत संरचना और समग्र प्रशासन को और सुदृढ़ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। विद्यालय की स्थापना, कर्मचारियों के बच्चों, परियोजना प्रभावित परिवारों तथा आसपास के क्षेत्रों के विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से की गई थी। बता दें कि यह संस्थान वर्षो से सामाजिक एवं शैक्षणिक विकास के क्षेत्र में जाना जाने बाला एक महत्वपूर्ण केंद्र रहा है। देश की अग्रणी शैक्षणिक श्रृंखला DAV वर्तमान में भारतभर में 1000 से अधिक शिक्षण संस्थानों का संचालन कर रही है। मध्यप्रदेश एवं छत्तीसगढ़ में 136 से अधिक विद्यालयों का सफल संचालन DAV द्वारा किया जा रहा है। उत्कृष्ट शैक्षणिक परिणाम, अनुशासित वातावरण, संस्कारयुक्त शिक्षा एवं विद्यार्थियों के समग्र विकास के लिए DAV विद्यालयों की व्यापक पहचान है। ‘सेंटर ऑफ एक्सीलेंस’ के रूप में विकास : "कंपनी परिसर में स्थित इस स्कूल को पेशेवर प्रबंधन द्वारा शिक्षा के एक 'उत्कृष्टता केंद्र' (Center of Excellence) के रूप में निखारा जाएगा।" उत्कृष्टता (Excellence) की दिशा में विशेष प्रयास इन बिंदुओं पर आधारित होंगे : * शैक्षणिक गुणवत्ता एवं परिणामों में निरंतर सुधार * शिक्षकों का नियमित प्रशिक्षण एवं आधुनिक शिक्षण पद्धतियों का अनुपालन * सह-पाठयक्रम एवं खेल गतिविधियों का विस्तार * डिजिटल लर्निंग एवं स्मार्ट शिक्षण साधनों का समावेश * मूल्य-आधारित शिक्षा, अनुशासन एवं चरित्र निर्माण "नया प्रबंधन विद्यालय की आत्मनिर्भरता और सामुदायिक सेवा के बीच एक आदर्श संतुलन स्थापित करने के प्रति संकल्पित है, ताकि सेवा का मूल उद्देश्य निरंतर बना रहे।" "कंपनी ने स्पष्ट किया है कि यह परिवर्तन विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य को ध्यान में रखते हुए किया गया है। संस्थान इस परिवर्तन की अवधि (Transition Period) को पूर्णतः पारदर्शी और सुचारु बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध है।" बेहतर शिक्षा की ओर एक मजबूत कदम — उज्ज्वल भविष्य की नई नींव।

अमृतसर एयरपोर्ट पर फ्लाइट से उतरे यात्री से डेढ़ करोड़ के गांजे के साथ पकड़ा

अमृतसर. अमृतसर के श्री गुरु रामदास जी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर कस्टम विभाग को उस समय बड़ी सफलता मिली, जब उन्होंने नशा तस्करी के एक मामले का पर्दाफाश किया। विभाग ने एयरपोर्ट पर एक यात्री के पास से करीब 1 करोड़ 64 लाख रुपए की कीमत का गांजा बरामद किया है। मिली जानकारी के अनुसार, गिरफ्तार किया गया व्यक्ति बैंकॉक से अमृतसर एयरपोर्ट पहुंचा था। जब अधिकारियों ने उसकी तलाशी ली तो उसके कब्जे से 1 किलो 654 ग्राम गांजा बरामद हुआ। कस्टम विभाग ने नशीले पदार्थ को जब्त कर लिया है और आरोपी को गिरफ्तार कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।