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उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने शहडोल जिले में सीवर लाइन कार्य के दौरान हुई दुर्घटना व्यक्त किया शोक

भोपाल  उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने शहडोल जिले में सीवर लाइन की खुदाई के दौरान मिट्टी धंसने की दुर्भाग्यपूर्ण घटना में दो श्रमिकों मुकेश बैगा एवं महिपाल बैगा के दबने से हुए निधन पर गहन दुःख व्यक्त किया है। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने इस घटना को अत्यंत हृदय विदारक बताया। उन्होंने दिवंगत आत्माओं को अपने श्रीचरणों में स्थान देने और शोक संतप्त परिजनों को यह वज्र समान पीड़ा सहन करने की शक्ति प्रदान करने की ईश्वर से प्रार्थना की है। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने जिला प्रशासन को पीड़ित परिवारों को शीघ्र सहायता पहुंचाने के निर्देश दिए हैं।  

‘नर्मदा’ नाम से जुड़ा चिकन ब्रिड विवाद, धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने का आरोप

हरदा  एक प्राइवेट कॉलेज ने मुर्गियों की बिक्री का विज्ञापन दिया है। इस विज्ञापन में एक नस्ल का नाम 'नर्मदा' लिखा था। इससे बड़ा विवाद हो गया। नर्मदा नदी को मानने वाले लोगों ने इस नाम पर आपत्ति जताई। उनका कहना है कि यह उनकी धार्मिक भावनाओं का अपमान है। नर्मदा नदी के भक्तों, खासकर नर्मदीय ब्राह्मण समाज ने इसका विरोध किया। समाज के लोगों ने कॉलेज के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई और कार्रवाई की मांग की। कॉलेज ने कहा कि उसका इरादा किसी को ठेस पहुंचाने का नहीं था। लेकिन, समाज के लोग नाम हटाने की मांग पर अड़े रहे और चेतावनी दी कि अगर ऐसा नहीं हुआ तो वे आंदोलन करेंगे। जिला कलेक्ट्रेट में सौंपा ज्ञापन नर्मदीय ब्राह्मण समाज के अध्यक्ष अशोक पराशर के नेतृत्व में समाज के सदस्य जिला कलेक्टर के कार्यालय पहुंचे। उन्होंने संयुक्त कलेक्टर संजीव कुमार नागू को एक ज्ञापन सौंपा। उन्होंने कहा कि 'नर्मदा' नाम का गहरा धार्मिक महत्व है। यह उस देवी से जुड़ा है जिसकी लाखों लोग पूजा करते हैं। खासकर नर्मदा घाटी क्षेत्र में। कॉलेज ने दिया है विज्ञापन विवाद तब शुरू हुआ जब कॉलेज ने मुर्गियों की बिक्री के लिए एक विज्ञापन जारी किया। इसमें 'नर्मदा' और 'सोनाली' नाम की नस्लों का उल्लेख था। समाज के सदस्यों ने दावा किया कि इससे धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। खासकर सनातन धर्म के अनुयायियों और नर्मदा के भक्तों की। जबलपुर के पोल्ट्री सेंटर से लिए नाम कॉलेज के अधिकारियों ने कहा कि विज्ञापन में इस्तेमाल किए गए नाम जबलपुर के एक पोल्ट्री सेंटर से लिए गए थे। उस सेंटर में नस्लों के नाम कड़कनाथ, नर्मदा और सोनाली थे। कॉलेज का कहना है कि उनका इरादा किसी को ठेस पहुंचाने का नहीं था। संस्थान के निदेशक राजीव खरे से संपर्क नहीं हो सका। नर्मदा नाम हटाने की मांग नर्मदीय ब्राह्मण समाज ने तुरंत चिकन नस्ल से 'नर्मदा' नाम हटाने की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर सुधारात्मक कार्रवाई नहीं की गई तो वे आगे आंदोलन करेंगे। अशोक पराशर ने कहा कि नाम हटाने तक वे विरोध करते रहेंगे। उन्होंने कहा कि यह मामला उनकी धार्मिक आस्था से जुड़ा है और वे इसे हल्के में नहीं लेंगे। कॉलेज से माफी की मांग विज्ञापन में 'नर्मदा' नाम के इस्तेमाल से लोगों में गुस्सा है। वे कॉलेज से माफी मांगने और नाम बदलने की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि 'नर्मदा' नदी उनके लिए पवित्र है और इसका इस्तेमाल मुर्गियों के नाम के लिए करना गलत है।  

छत्तीसगढ़ कांग्रेस में बदलाव: मोहम्मद अकबर और शिव डहरिया को नई भूमिकाएँ

रायपुर  कांग्रेस राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के निर्देश के बाद अब पीसीसी चीफ दीपक बैज ने जिला प्रभारियों की नियुक्ति की है. मंडल और सेक्टर कमेटी के पुनर्गठन के लिए सभी 33 जिलों में नियुक्तियां की गई है. पूर्व मंत्री शिव डहरिया रायपुर शहर एंव ग्रामीण का प्रभारी बनाए गया है. पूर्व मंत्री मोहम्मद अकबर बलौदा बाजार, रविंद्र चौबे दुर्ग भिलाई, उमेश पटेल बिलासपुर, मोहन मरकाम जगदलपुर के प्रभारी बनाए गए हैं. इस संबंध में लिस्ट जारी की गई है. जिला प्रभारी अपने-अपने जिलों में जिला कार्यकारिणी, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी और मोर्चा संगठनों के जिला अध्यक्षों के साथ बैठक कर मंडल और सेक्टर कमेटियों का गठन करेंगे. इस प्रक्रिया में सांसद, पूर्व सांसद, विधायक, पूर्व विधायक और वरिष्ठ नेताओं से आवश्यक सलाह ली जाएगी. कमेटियों के गठन के लिए प्रक्रिया को तय समय में पूरा करना होगा और साथ ही प्रगति की लगातार जानकारी देनी होगी. ब्लॉक प्रभारी पूरे प्रकिया की मॉनिटरिंग करेंगे. आदेश में यह भी बताया गया कि उदयपुर नवसंकल्प शिविर में पारित प्रस्ताव के अनुसार, इन कमेटियों में अनुसूचित जाति, जनजाति, पिछड़ा वर्ग, अल्पसंख्यक और महिला वर्ग को न्यायसंगत प्रतिनिधित्व देना अनिवार्य होगा. प्रत्येक कमेटी में 50 वर्ष से ऊपर और 50 वर्ष से कम आयु वर्ग के युवाओं में से एक-एक व्यक्ति को शामिल करना होगा. सभी अनुसूचित मंडल कमेटियों के गठन के लिए 31 जुलाई की तारिख तय की गई है.

छत्तीसगढ़ शराब घोटाले में ईडी की बड़ी कार्रवाई, चैतन्य बघेल को किया गया गिरफ्तार

भिलाई  प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने कांग्रेस नेता और छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल को ईडी ने अरेस्ट कर लिया है. उन्हें भिलाई स्थित उनके आवास से गिरफ्तार किया गया है. चैतन्य बघेल की यह गिरफ्तारी ऐसे समय पर हुई है, जब आज सुबह ईडी ने भूपेश बघेल के घर पर छापेमारी की. चैतन्य बघेल की यह गिरफ्तारी कथित शराब घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में हुई है. चैतन्य का आज जन्मदिन भी है.  बताया जा रहा है कि इस मामले में नए साक्ष्य मिलने के बाद ईडी ने पीएमएलए के तहत चैतन्य को गिरफ्तार किया है. ईडी ने शुक्रवार सुबह-सुबह भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य के भिलाई घर पर छापेमारी की थी. ईडी की टीम तीन गाड़ियों में सुबह करीब 6:30 बजे मौके पर पहुंची और CRPF के सुरक्षा घेरे में घर की तलाशी शुरू की गई. यह कार्रवाई ऐसे समय पर हुई है, जब आज छत्तीसगढ़ विधानसभा का अंतिम दिन है. पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल आज विधानसभा में रायगढ़ जिले में हो रही पेड़ कटाई का मुद्दा उठाने वाले थे.  शराब घोटाले और वित्तीय अनियमितताओं की जांच के सिलसिले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने शुक्रवार सुबह छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल के भिलाई स्थित आवास पर छापेमारी की. ईडी की टीम तीन गाड़ियों में सुबह करीब 6:30 बजे मौके पर पहुंची और CRPF के सुरक्षा घेरे में घर की तलाशी शुरू की गई. सूत्रों के मुताबिक, यह कार्रवाई शराब घोटाले और उससे जुड़ी आर्थिक गड़बड़ियों की जांच के तहत की गई है. फिलहाल जांच जारी है और अधिकारियों की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है. भिलाई स्थित घर पर मौजूद हैं भूपेश बघेल गौरतलब है कि यह कार्रवाई ऐसे समय पर हुई है जब आज छत्तीसगढ़ विधानसभा का अंतिम दिन है. पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल आज विधानसभा में रायगढ़ जिले में हो रही पेड़ कटाई का मुद्दा उठाने वाले थे. पर्यावरणीय प्रभावों को लेकर उन्होंने हाल ही में ग्रामीणों से मुलाकात भी की थी. हालांकि आमतौर पर विधानसभा सत्र के दौरान वह रायपुर में रहते हैं, लेकिन इस बार वह भिलाई में ही मौजूद थे- जहां ईडी की टीम पहुंची.  भूपेश बघेल ने शुक्रवार को इस संबंध में सोशल मीडिया प्लैटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट कर बताया, ''ईडी आ गई। आज विधानसभा सत्र का अंतिम दिन है। अडानी के लिए तमनार में काटे जा रहे पेड़ों का मुद्दा आज उठना था। भिलाई निवास में “साहेब” ने ईडी भेज दी है।  ईडी ने पहले कहा था कि चैतन्य बघेल पर कथित शराब घोटाले की आपराधिक आय का ‘प्राप्तकर्ता’ होने का संदेह है। इसमें कहा गया है कि छत्तीसगढ़ शराब घोटाले के कारण राज्य के खजाने को भारी नुकसान हुआ और अपराध से प्राप्त 2,100 करोड़ रुपये से अधिक की राशि शराब सिंडिकेट के लाभार्थियों की जेबों में गई। कार्रवाई के बीच विधानसभा के लिए निकले बघेल ईडी के कार्रवाई के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल विधानसभा के सत्र के लिए अपने निवास से निकल गए हैं। इस दौरान उन्होंने मीडिया के सामने कहा कि केंद्र सरकार एवं राज्य सरकार केंद्रीय एजेंटीयों का दुरुपयोग कर रही है। जिसे जो करना है वह कर ले मुझे न्याय पालिका पर भरोसा है।  उन्होंने कार्यकर्ताओं से कहा कि मुझे तोड़ने का प्रयास किया जा रहा है परंतु मैं हार नहीं मानूंगा। भूपेश बघेल अपने निवास से 100 मीटर दूर नेशनल हाईवे पैदल ही समर्थकों के साथ चल कर आए। इस दौरान फोरलेन पर कुछ देर के लिए जाम की स्थिति बन गई थी। शराब घोटाला मामले में भूपेश बघेल के घर छापा आपको बता दें कि छत्तीसगढ़ का आबकारी घोटाल अब 2100 करोड़ से बढ़कर 3200 करोड़ का हो गया है। मामले में एजेंसियां लगातार जांच कर रही हैं।मंगलवार को ईडी टीम ने होटल कारोबारी विजय अग्रवाल के भिलाई स्थित निवास के साथ-साथ होटल और कई अन्य ठिकानों पर छापा मारा था।  बता दें कि छापेमारी के दौरान विजय अग्रवाल के जुड़े गोवा और दिल्ली के ठिकानों पर भी टीम ने दबिश दी थी। जिसमें ईडी को 70 लाख रुपये नगद बरामद हुए थे। होटल कारोबारी विजय अग्रवाल पूर्व मुख्यमंत्री के करीबी माने जाते हैं। ऐसे में अब शुक्रवार को सुबह तड़के ईडी ने भूपेश बघेल के घर छापा मार दिया है। इस संबंध में पूर्व मुख्यमंत्री बघेल ने ट्वीट किया है। जिसमें उन्होंने लिखा है कि- ईडी आ गई। आज विधानसभा के सत्र का अंतिम दिन है। अडानी के लिए तमनार में काटे जा रहे पेड़ों का मुद्दा आज उठाना था। भिलाई निवास में 'साहेब' ने ED भेज दी है।  बता दें कि छत्तीसगढ़ विधानसभा के मानसून सत्र का आज पांचवां और अंतिम दिन है। ऐसे में भूपेश बघेल ने साय सरकार पर आरोप लगाया है कि सदन में तमनार में काटे जा रहे पेड़ों का मुद्दा उठाया जाना था, लेकिन ऐसा न हो सके इसलिए लिए यह ईडी की कार्रवाई की जा रही है। शराब घोटाले में अब तक क्या-क्या हुआ? 7 जुलाई को आर्थिक अपराध अनुसंधान शाखा (EOW) ने शराब घोटाले में चौथी सप्लीमेंट्री चार्जशीट दाखिल की, जिसमें घोटाले की अनुमानित राशि को 2,161 करोड़ रुपये से बढ़ाकर 3,200 करोड़ रुपये बताया गया. यह चार्जशीट 30 जून को दाखिल की गई थी. इस केस में अब तक कुल पांच चार्जशीट दायर की जा चुकी हैं, जिनमें से तीन पहले दाखिल की जा चुकी थीं. इस घोटाले में 29 आबकारी अधिकारियों (जिला अधिकारी, सहायक आयुक्त, उप आयुक्त) को आरोपी बनाया गया है, जिनमें कुछ सेवानिवृत्त अधिकारी भी शामिल हैं. शराब घोटाले में अब तक क्या-क्या हुआ? 7 जुलाई को आर्थिक अपराध अनुसंधान शाखा (EOW) ने शराब घोटाले में चौथी सप्लीमेंट्री चार्जशीट दाखिल की, जिसमें घोटाले की अनुमानित राशि को 2,161 करोड़ रुपये से बढ़ाकर 3,200 करोड़ रुपये बताया गया. यह चार्जशीट 30 जून को दाखिल की गई थी. इस केस में अब तक कुल पांच चार्जशीट दायर की जा चुकी हैं, जिनमें से तीन पहले दाखिल की जा चुकी थीं. इस घोटाले में 29 आबकारी अधिकारियों (जिला अधिकारी, सहायक आयुक्त, उप आयुक्त) को आरोपी बनाया गया है, जिनमें कुछ सेवानिवृत्त अधिकारी भी शामिल हैं.

यूपी में तड़के मुठभेड़, रेप के बाद हत्या का आरोपी पुलिस की गोली से मारा गया

फर्रुखाबाद यूपी में शुक्रवार तड़के पुलिस ने फर्रुखाबाद में बड़ी कार्रवाई करते हुए बच्ची से रेप के बाद हत्या के आरोपी को एनकाउंटर में मार गिराया है। मनु नाम के इस आरोपी पर पुलिस ने 50 हजार रुपए का इनाम घोषित कर रखा था। गोली लगने के बाद पुलिस मनु को इलाज के लिए लोहिया अस्पताल ले गई थी। वहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया। बच्ची से रेप और हत्या की यह सनसनीखेज वारदात फर्रुखाबाद में पिछले महीने हुई थी। फर्रुखाबाद के कायमगंज कोतवाली क्षेत्र के एक गांव की बच्ची मोहम्मदाबाद क्षेत्र में अपनी बुआ के घर आई थी । 27 जून को वह गांव के बाहर आम खाने गई थी जहां से एक शातिर ने उसे अगवा कर लिया था और रेप के बाद मार दिया था । बच्ची का शव 28 जून को मैनपुरी जिले के भोगॉव कोतवाली के देवीपुर गांव के खेत में पड़ा पाया गया था। इसमें मेरापुर थाना क्षेत्र के पखना गांव निवासी मनु का नाम सामने आया था कैमरे जो खंगाले गए थे उसमें मनु के पीछे ही बच्ची जाती दिखाई दी थी। इसके बाद से पुलिस की टीम इस शातिर को तलाश रही थी शुक्रवार की भोर पुलिस से मुठभेड़ हो गई इसमें मनु मारा गया । पुलिस अधीक्षक आरती सिंह ने बताया कि पुलिस मुठभेड़ में मनु की मौत हुई है उन्होंने बताया कि उस पर इनाम भी घोषित किया गया था। उन्होंने बताया कि एनकाउंटर के दौरान आरोपी जवाबी फायरिंग में घायल हुआ जिसे अस्पताल ले जाया गया था।  इलाज के दौरान डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया गया। आरोप के खिलाफ पहले भी हत्या और अपहरण जैसी संगीन धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस आगे की विधिक कार्रवाई कर रही है। मारा गया 239वां बदमाश बता दें कि अभी गुरुवार को ही यूपी के पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्ण ने जानकारी दी थी कि 2017 से अब तक 238 बदमाश एनकाउंटर में मारे जा चुके हैं। इस हिसाब से बच्ची से रेप के बाद हत्या का आरोपी मनु एनकाउंटर में मारा गया यूपी का 239 वां बदमाश है। इन आठ सालों में 14 हजार से अधिक एनकाउंटर हुए हैं। इन एनकाउंटरों में 9 हजार से अधिक बदमाशों के पैर में गोली लगी है। 30 हजार से अधिक अपराधियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।

भूपेश बघेल का विधानसभा में शक्ति प्रदर्शन, ED छापों के विरोध में लगे नारे

रायपुर ईडी के छापे के बाद पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल अपने समर्थकों के साथ मानसून सत्र में शामिल होने विधानसभा भवन पहुंचे. इस दौरान उनके समर्थन में कांग्रेस विधायकों ने जिंदाबाद के नारे लगाए. बड़ी संख्या में समर्थक उनके साथ विधानसभा पहुंचे. बता दें कि प्रवर्तन निदेशालय (ED) की टीम ने आज सुबह 6 बजे पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के भिलाई स्थित निवास में छापा मारा. शराब घोटाला मामले में 8 अधिकारियों की टीम दबिश देने 2 गाड़ियों में पहुंची. खबर फैलते ही उनके समर्थकों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं की भीड़ जुटना शुरू हो गई. जिला पुलिस ने निवास के आसपास सुरक्षा बढ़ा दी. भूपेश बघेल का ईडी की कार्रवाई पर दूसरा पोस्ट सामने आया है. उन्होंने कहा कि जन्मदिन का जैसा तोहफ़ा पीएम मोदी और केंद्रीय गृहमंत्री शाह देते हैं वैसा दुनिया के किसी लोकतंत्र में और कोई नहीं दे सकता. मेरे जन्मदिन पर दोनों परम आदरणीय नेताओं ने मेरे सलाहकार और दो ओएसडी के घरों पर ईडी भेजी थी. और अब मेरे बेटे चैतन्य के जन्मदिन पर मेरे घर पर ईडी की टीम छापामारी कर रही है. इन तोहफ़ों का धन्यवाद. ताउम्र याद रहेगा. दीपक बैज ने बताया ईडी की कार्रवाई को षड्यंत्र पीसीसी चीफ दीपक बैज ने सोशल मीडिया एक्स पर पोस्ट कर कहा कि आज फिर डबल इंजन ने विपक्ष का गला घोंटने का काम किया है. पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के खिलाफ लगातार षड्यंत्र जारी है. आज उनके निवास पर पुनः ईडी भेज दी गई है. आज तक किसी भी विषय में ईडी सीबीआई ईओडब्लू को कुछ नहीं मिला.. लेकिन हथकंडे जारी हैं. इस बदलापुर की राजनीति का पुरजोर विरोध करता हूं. कांग्रेस पार्टी हमारे वरिष्ठ नेता भूपेश बघेल जी के साथ खड़ी है. ED रेड को लेकर कांग्रेस संचार प्रमुख सुशील आनंद शुक्ला का भी बड़ा बयान सामने आया है. उन्होंने कहा कि तमनार में पेड़ों की कटाई का कांग्रेस लगातार विरोध कर रहे है. आज विधानसभा में इस मुद्दे पर विपक्ष सरकार को घेरने जा रही थी. इससे पहले ही मोदी जी ने भूपेश बघेल जी के घर छापा पड़वा दिया. बेशर्मी का इससे बड़ा उदाहरण नहीं हो सकता.

भूपेश बघेल के घर ED का छापा: बघेल परिवार पर शिकंजा कसती ED, शराब घोटाले में बेटा निशाने पर

भिलाई शराब घोटाले और वित्तीय अनियमितताओं की जांच के सिलसिले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने शुक्रवार सुबह छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल के भिलाई स्थित आवास पर छापेमारी की. ईडी की टीम तीन गाड़ियों में सुबह करीब 6:30 बजे मौके पर पहुंची और CRPF के सुरक्षा घेरे में घर की तलाशी शुरू की गई. सूत्रों के मुताबिक, यह कार्रवाई शराब घोटाले और उससे जुड़ी आर्थिक गड़बड़ियों की जांच के तहत की गई है. फिलहाल जांच जारी है और अधिकारियों की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है. भिलाई स्थित घर पर मौजूद हैं भूपेश बघेल गौरतलब है कि यह कार्रवाई ऐसे समय पर हुई है जब आज छत्तीसगढ़ विधानसभा का अंतिम दिन है. पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल आज विधानसभा में रायगढ़ जिले में हो रही पेड़ कटाई का मुद्दा उठाने वाले थे. पर्यावरणीय प्रभावों को लेकर उन्होंने हाल ही में ग्रामीणों से मुलाकात भी की थी. हालांकि आमतौर पर विधानसभा सत्र के दौरान वह रायपुर में रहते हैं, लेकिन इस बार वह भिलाई में ही मौजूद थे- जहां ईडी की टीम पहुंची.  भूपेश बघेल ने शुक्रवार को इस संबंध में सोशल मीडिया प्लैटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट कर बताया, ''ईडी आ गई। आज विधानसभा सत्र का अंतिम दिन है। अडानी के लिए तमनार में काटे जा रहे पेड़ों का मुद्दा आज उठना था। भिलाई निवास में “साहेब” ने ईडी भेज दी है।  ईडी ने पहले कहा था कि चैतन्य बघेल पर कथित शराब घोटाले की आपराधिक आय का ‘प्राप्तकर्ता’ होने का संदेह है। इसमें कहा गया है कि छत्तीसगढ़ शराब घोटाले के कारण राज्य के खजाने को भारी नुकसान हुआ और अपराध से प्राप्त 2,100 करोड़ रुपये से अधिक की राशि शराब सिंडिकेट के लाभार्थियों की जेबों में गई। कार्रवाई के बीच विधानसभा के लिए निकले बघेल ईडी के कार्रवाई के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल विधानसभा के सत्र के लिए अपने निवास से निकल गए हैं। इस दौरान उन्होंने मीडिया के सामने कहा कि केंद्र सरकार एवं राज्य सरकार केंद्रीय एजेंटीयों का दुरुपयोग कर रही है। जिसे जो करना है वह कर ले मुझे न्याय पालिका पर भरोसा है।  उन्होंने कार्यकर्ताओं से कहा कि मुझे तोड़ने का प्रयास किया जा रहा है परंतु मैं हार नहीं मानूंगा। भूपेश बघेल अपने निवास से 100 मीटर दूर नेशनल हाईवे पैदल ही समर्थकों के साथ चल कर आए। इस दौरान फोरलेन पर कुछ देर के लिए जाम की स्थिति बन गई थी। शराब घोटाला मामले में भूपेश बघेल के घर छापा आपको बता दें कि छत्तीसगढ़ का आबकारी घोटाल अब 2100 करोड़ से बढ़कर 3200 करोड़ का हो गया है। मामले में एजेंसियां लगातार जांच कर रही हैं।मंगलवार को ईडी टीम ने होटल कारोबारी विजय अग्रवाल के भिलाई स्थित निवास के साथ-साथ होटल और कई अन्य ठिकानों पर छापा मारा था।  बता दें कि छापेमारी के दौरान विजय अग्रवाल के जुड़े गोवा और दिल्ली के ठिकानों पर भी टीम ने दबिश दी थी। जिसमें ईडी को 70 लाख रुपये नगद बरामद हुए थे। होटल कारोबारी विजय अग्रवाल पूर्व मुख्यमंत्री के करीबी माने जाते हैं। ऐसे में अब शुक्रवार को सुबह तड़के ईडी ने भूपेश बघेल के घर छापा मार दिया है। इस संबंध में पूर्व मुख्यमंत्री बघेल ने ट्वीट किया है। जिसमें उन्होंने लिखा है कि- ईडी आ गई। आज विधानसभा के सत्र का अंतिम दिन है। अडानी के लिए तमनार में काटे जा रहे पेड़ों का मुद्दा आज उठाना था। भिलाई निवास में 'साहेब' ने ED भेज दी है।  बता दें कि छत्तीसगढ़ विधानसभा के मानसून सत्र का आज पांचवां और अंतिम दिन है। ऐसे में भूपेश बघेल ने साय सरकार पर आरोप लगाया है कि सदन में तमनार में काटे जा रहे पेड़ों का मुद्दा उठाया जाना था, लेकिन ऐसा न हो सके इसलिए लिए यह ईडी की कार्रवाई की जा रही है। शराब घोटाले में अब तक क्या-क्या हुआ? 7 जुलाई को आर्थिक अपराध अनुसंधान शाखा (EOW) ने शराब घोटाले में चौथी सप्लीमेंट्री चार्जशीट दाखिल की, जिसमें घोटाले की अनुमानित राशि को 2,161 करोड़ रुपये से बढ़ाकर 3,200 करोड़ रुपये बताया गया. यह चार्जशीट 30 जून को दाखिल की गई थी. इस केस में अब तक कुल पांच चार्जशीट दायर की जा चुकी हैं, जिनमें से तीन पहले दाखिल की जा चुकी थीं. इस घोटाले में 29 आबकारी अधिकारियों (जिला अधिकारी, सहायक आयुक्त, उप आयुक्त) को आरोपी बनाया गया है, जिनमें कुछ सेवानिवृत्त अधिकारी भी शामिल हैं.

निवेशकों और प्रवासी भारतीयों से डॉ. यादव की मुलाकात, साझा करेंगे एमपी का विजन

स्पेन प्रवास का तीसरा दिन भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के स्पेन प्रवास का तीसरा दिन 18 जुलाई को मध्यप्रदेश की वैश्विक क्षमताओं को दर्शाने और निवेश सहयोग को सशक्त करने की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण रहने वाला है। दिनभर की गतिविधियाँ निवेश, स्मार्ट सिटी विकास, नवाचार और प्रवासी सहभागिता जैसे विविध पक्षों को समेटे हुए हैं, जिनमें मुख्यमंत्री की भूमिका निर्णायक है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव की दिन की शुरुआत बार्सिलोना के प्रमुख समुद्री और लॉजिस्टिक्स केंद्र 'मर्कारबेना' के भ्रमण से होगी, जो यूरोप का एक प्रमुख आपूर्ति श्रृंखला हब माना जाता है। इस भ्रमण के दौरान लॉजिस्टिक्स सेक्टर में मध्यप्रदेश की संभावनाओं को समझने और यूरोपीय मॉडल से सीखने का अवसर प्राप्त होगा। इसके बाद 'इन्वेस्ट इन मध्यप्रदेश' थीम पर केन्द्रित बार्सिलोना बिजनेस फोरम का आयोजन होगा, जहां मुख्यमंत्री डॉ. यादव स्पेनिश उद्योग जगत, कॉरपोरेट समूहों और संस्थागत निवेशकों के समक्ष मध्यप्रदेश की निवेश क्षमताओं को प्रस्तुत करेंगे। इस फोरम में प्रदेश की औद्योगिक नीतियाँ, प्राथमिक सेक्टर, अधोसंरचना परियोजनाएँ और ग्लोबल पार्टनरशिप मॉडल पर विशेष फोकस रहेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का यह संवाद प्रदेश में निवेश की मंशा को ठोस प्रस्तावों में बदलने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम होगा। बिजनेस फोरम के बाद मुख्यमंत्री डॉ. यादव विभिन्न उद्योगपतियों, व्यापारिक प्रतिनिधियों और संभावित निवेशकों से वन-टू-वन बैठकों के माध्यम से सीधा संवाद करेंगे। इन बैठकों का उद्देश्य व्यक्तिगत निवेश प्रस्तावों पर ठोस चर्चा करना और नीति से लेकर ज़मीन तक की स्पष्टता देना है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव दोपहर बाद बार्सिलोना के स्मार्ट सिटी एवं नवाचार केंद्रों का भ्रमण करेंगे। इस भ्रमण में शहरी प्रबंधन, हरित प्रौद्योगिकी, डेटा-ड्रिवन सर्विस मॉडल और स्टार्टअप सहयोग से संबंधित अवधारणाओं का अवलोकन किया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव इस दौरान मध्यप्रदेश के स्मार्ट सिटी मॉडल के लिए संभावित तकनीकी साझेदारियों की भी जानकारी लेंगे। इसके बाद होटल इंटरकॉन्टिनेंटल में पुनः कुछ महत्वपूर्ण वन-टू-वन बैठकों का दौर चलेगा, जिसमें निवेश प्रोत्साहन विभाग के साथ मिलकर प्रदेश के प्रतिनिधि संभावित सहयोग की दिशा तय करेंगे। दिन का समापन ‘प्रवासी एवं फ्रेंड्स ऑफ मध्यप्रदेश’ समारोह के साथ होगा, जिसमें मुख्यमंत्री डॉ. यादव यूरोप में बसे प्रवासी भारतीयों, व्यवसायियों और सांस्कृतिक प्रतिनिधियों से आत्मीय संवाद करेंगे। इस आयोजन में मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रदेश के प्रति प्रवासी समुदाय की प्रतिबद्धता को सम्मान देंगे और उन्हें राज्य की विकास यात्रा में सहभागी बनने का आमंत्रण देंगे।  

श्रीराम का चरित्र अनुकरणीय – जगतगुरू रामभद्राचार्य

आध्यात्म, धर्म और संस्कृति के साथ विकास वरदान बनता है – उप मुख्यमंत्री शुक्ल रामायण के माध्यम से भारतीय संस्कृति का होता है प्रगटीकरण- संस्कृति मंत्री लोधी श्रीराम का चरित्र अनुकरणीय – जगतगुरू रामभद्राचार्य अवधेश प्रताप सिंह विश्वविद्यालय में रामायण शोधपीठ होगा स्थापित भोपाल अवधेश प्रताप सिंह विश्वविद्यालय रीवा में रामायण शोधपीठ की स्थापना की जाएगी। उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल, संस्कृति राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार धर्मेन्द्र सिंह लोधी और जगतगुरू रामभद्राचार्य ने गुरुवार को इसकी शिलापट्टिका का अनावरण किया। रीवा के अवधेश प्रताप सिंह विश्वविद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में जगतगुरू रामभद्राचार्य ने कहा कि राम चरित्र वत्सल हैं। उनका आदर्श अनुकरणीय है, जितना समृद्ध साहित्य भगवान श्रीराम का है उतना और किसी का नहीं है। रामायण शोध पीठ की स्थापना रीवा विश्वविद्यालय के लिए शुभ हो और यह रामायण के शोधार्थियों के लिए वरदान बने। इसकी स्थापना रीवा के पूर्व महाराज रामायण अनुरागी रघुराज सिंह को श्रद्धांजलि भी होगी। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में आचार्यों को ऐसी मर्यादा प्रस्तुत करनी चाहिए, जिससे शिष्य उनका अनुकरण करें। जगतगुरू ने रामचरितमानस को राष्ट्रीय ग्रंथ घोषित करने की बात भी कही। उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा कि देश की सबसे बड़ी ताकत आध्यात्म धर्म और संस्कृति है। इनके साथ से ही विकास वरदान बन जाएगा। आज का दिन अविस्मरणीय रहेगा जब जगतगुरू के कर-कमलों से पीठ की स्थापना की शुरुआत हुई है। रामायण पीठ के माध्यम से रामायण के गुणों को अंगीकार करने और शोधार्थियों को नवीनतम शोध में मदद मिलेगी। उन्होंने रामायण पीठ के लिए 25 लाख रुपए देने की घोषणा की और आश्वस्त किया कि अन्य आवश्यकताओं की भी पूर्ति की जाएगी। संस्कृति राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार लोधी ने कहा कि रामायण के माध्यम से भारतीय संस्कृति का प्रगटीकरण होता है। चरित्रवान व मर्यादाशील होने का भगवान राम से सीख मिलती है। रामायण की शिक्षाएं आज के परिवेश में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। उन्होंने कहा कि रामायण से जीवन की दशा को सुधार कर चरित्रवान बनते हुए देशहित के लिए सीख मिलती है। सांसद जनार्दन मिश्र ने रामायण पीठ की स्थापना के लिए साधुवाद देते हुए सांसद निधि से 25 लाख रुपए देने की घोषणा की। कुलगुरू दिव्यांग विश्वविद्यालय चित्रकूट शिशिर पाण्डेय, कुलसचिव सुरेन्द्र सिंह परिहार, नोडल अधिकारी नलिन दुबे, कुलगुरू अवधेश प्रताप सिंह विश्वविद्यालय प्रोफेसर राजेन्द्र प्रसाद कुड़रिया, अध्यक्ष नगर निगम व्यंकटेश पाण्डेय सहित गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।  

प्रदेश को शीघ्र मिलेंगे 851 नए एंबुलेंस:प्रधानमंत्री जन मन योजना के अंतर्गत विशेष पिछड़ी जनजातियों के लिए होगी एंबुलेंस की विशेष व्यवस्था

रायपुर प्रदेश के कोने-कोने तक स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार और सुदृढ़ीकरण हेतु राज्य सरकार पूर्ण प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। भरोसेमंद चिकित्सा सुविधा आमजन तक पहुँचाने की दिशा में उठाया गया यह कदम ऐतिहासिक है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज अपने निवास परिसर से मैदानी स्वास्थ्य अमले के लिए 151 वाहनों को हरी झंडी दिखाकर विभिन्न जिलों के लिए रवाना किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि इन वाहनों के माध्यम से बस्तर और सरगुजा क्षेत्र के सुदूर अंचलों में भी लोगों को समय पर प्रभावी उपचार मिल सकेगा। यह 'स्वस्थ छत्तीसगढ़' की दिशा में एक सशक्त पहल सिद्ध होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ की स्वास्थ्य व्यवस्था को सशक्त और सुलभ बनाने की दिशा में आज एक नया अध्याय जुड़ गया है। पुराने, अनुपयोगी हो चुके वाहनों को स्क्रैप कर उनकी जगह अत्याधुनिक नए वाहन शामिल किए गए हैं। यह पहल राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों के प्रभावी क्रियान्वयन, समयबद्ध निरीक्षण और निगरानी को भी गति प्रदान करेगी। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि जिला और विकासखंड स्तर पर कार्यरत अधिकारियों एवं मैदानी स्वास्थ्य कर्मियों के लिए उपलब्ध कराए जा रहे वाहनों से नियमित निरीक्षण, स्वास्थ्य शिविरों की निगरानी, दूरस्थ अंचलों तक त्वरित पहुँच और आपातकालीन परिस्थितियों में समयबद्ध हस्तक्षेप संभव हो सकेगा। इससे राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों का संचालन अधिक प्रभावी और गतिशील होगा तथा राज्य में स्वास्थ्य सेवा वितरण प्रणाली और अधिक सक्रिय, उत्तरदायी और परिणामोन्मुखी बनेगी। यह पहल प्रदेश के संपूर्ण स्वास्थ्य तंत्र को गति देने का कार्य करेगी। मुख्यमंत्री साय ने बताया कि प्रदेश के सभी जिलों को ये वाहन चरणबद्ध रूप से उपलब्ध कराए जाएंगे। प्रथम चरण में बस्तर और सरगुजा संभाग के 12 जिलों को ये वाहन भेजे जा रहे हैं। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि शीघ्र ही प्रदेश में 851 नवीन एंबुलेंस सेवाएं शुरू की जाएंगी, जिनमें से 375 एंबुलेंस 108 आपातकालीन सेवाओं के लिए, 30 एंबुलेंस ग्रामीण चलित चिकित्सा इकाइयों के लिए तथा 163 ‘मुक्तांजली’ शव वाहन निःशुल्क सेवा के अंतर्गत दी जाएंगी। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जनजातीय समुदायों के उत्थान हेतु समर्पित भाव से कार्य कर रहे हैं। उनके मार्गदर्शन में प्रधानमंत्री ‘जन मन योजना’ के तहत विशेष पिछड़ी जनजातियों के लिए 30 एंबुलेंस की व्यवस्था भी शीघ्र की जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि अब वर्षा ऋतु जैसे चुनौतीपूर्ण समय में भी राज्य सरकार घर-घर स्वास्थ्य सेवा पहुँचाने के अपने संकल्प को पूरी तत्परता से पूर्ण कर सकेगी। उन्होंने राज्य सरकार द्वारा स्वास्थ्य सेवाओं को सशक्त करने हेतु किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी और इस दिशा में निरंतर प्रतिबद्धता दोहराई। स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य सरकार पूरी क्षमता के साथ स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर बनाने की दिशा में निरंतर कार्यरत है। उन्होंने स्वास्थ्य अधोसंरचना को मजबूत बनाने हेतु सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी तथा मैदानी स्वास्थ्य अमले को इस विशेष सौगात के लिए शुभकामनाएं प्रेषित कीं। इस अवसर पर सीजीएमएससी के अध्यक्ष दीपक म्हस्के, वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष सलीम राज, स्वास्थ्य विभाग के सचिव अमित कटारिया, आयुक्त डॉ. प्रियंका शुक्ला सहित बड़ी संख्या में अधिकारीगण एवं गणमान्यजन उपस्थित थे।