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जालंधर के एपीजे स्कूल को बम से उड़ाने की धमकी

जालंधर. पंजाब के जालंधर जिले के रामा मंडी स्थित स्कूल एपीजे को बम से उड़ाने की धमकी मिली। आरोपितों ने आतंकी संगठनों का नाम लेकर स्कूल को उड़ाने की धमकी दी है। हालांकि, यह किसी आतंकी संगठन की तरफ से आया है, यह अभी साफ नहीं हुआ। सूचना मिलते ही स्कूल में दहशत फैल गई। सारे बच्चों को और स्टाफ को सुरक्षित बाहर निकाला गया है। पुलिस जांच कर रही है। बताया जा रहा है कि एपीजे स्कूल सहित कई अन्य स्कूलों को भी इस संबंध में थ्रेट ईमेल आई है, लेकिन अभी तक बाकी स्कूलों में जानकारी कंफर्म नहीं हो पाई है। इस समय फाइनल परीक्षाएं चल रही है, ऐसे में स्कूलों के साथ-साथ विद्यार्थियों, अभिभावकों और शिक्षकों में भी एक बार फिर से डर का माहौल सा बन गया है।

पंजाब के बकरी पालक कोमलदीप सिंह ने JRF परीक्षा में पाई 6वीं रैंक

बुढलाडा. जून 2024 के दौरान यूजीसी नेट परीक्षा पास करने के बाद कस्बा बोहा के युवक कोमलदीप सिंह ने एक बार फिर जेआरएफ (ज्वाइंट रिसर्च फैलोसिप) परीक्षा में देश में 6वां रैंक हासिल करके पंजाब और मानसा जिले का नाम रोशन किया है। इस परीक्षा में 8 हजार विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया था। कोमलदीप सिंह अब पीएचडी की पढ़ाई करेगा। बोहा के एक साधारण परिवार में जन्मे और पले बढ़े कोमलप्रीत सिंह की माता घर पर सिलाई का काम करती हैं और उसके पिता उसकी पढ़ाई व घर चलाने के लिए ईट भट्टे पर काम करते हैं और कोमलप्रीत भी कभी अपने पिता के साथ भट्टे पर काम करता है तो कभी बकरियां चराने के अलावा किताबों को हर समय अपने साथ रखते खाली समय में अपनी पढ़ाई भी पूरी कर लेता है और इस मेहनत के दम पर उसने यूजीसी नेट परीक्षा पास कर ली गई, लेकिन आगे बढ़ने के लिए पैसों की तंगी के कारण उसे काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा, लेकिन यूनिवर्सिटी अधिकारियों द्वारा समय-समय पर दी गई सलाह ने उसे तरक्की का रास्ता दिखाया और अपनी मेहनत के बल पर जेआरएफ की परीक्षा को पास करने के बाद कोमलदीप को अब पीछे लौटकर देखने की जरूरत नहीं है। बकरी पालन के साथ साथ शिक्षा में प्रतिभावान बेटे की इस कामयाबी पर परिवार में हर किसी के चेहरे पर मुस्कान है और कहा जा रहा है कि उनका बकरी पालक किसी से कम नहीं है, यह सिर्फ मां लखवीर कौर और पिता हरजिंदर सिंह की मेहनत की जीत नहीं है, बल्कि यह हर उस नौजवान के लिए एक रास्ता है जो सोचता है कि हालात मात दे जाते हैं। नहीं उन्हें जीता जा सकता है। साथ ही वह मिसाल है जो बताती है कि हुनर और मेहनत से हालात को भी चुनौती दी जा सकती है। पूर्व विधायक मंगत राय बंसल, जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष कुलवंत राय सिंगला, ठेकेदार गुरपाल सिंह, नगर काउंसिल अध्यक्ष व भाजपा नेता सुखपाल सिंह ने परिवार को बधाई दी और कहा कि कोमलदीप ने मुश्किलों को पीछे छोड़कर ऊंचाइयों को छूने के लिए अपनी जिंदगी समर्पित कर दी है और यूजीसी परीक्षा के बाद अब जेआरएफ परीक्षा पास करके इतिहास रच दिया है।

पंजाब में होली पर बुधवार को स्कूल-कॉलेज और सरकारी दफ्तर रहेंगे बंद

चंडीगढ़. पंजाब में होली के अवसर पर बुधवार, 4 मार्च को सार्वजनिक अवकाश घोषित किया गया है। इस दिन राज्य के सभी सरकारी कार्यालय, बोर्ड, निगम और शैक्षणिक संस्थान (सरकारी व निजी स्कूल-कॉलेज) बंद रहेंगे। यह छुट्टी नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट के तहत घोषित होने के कारण इस दिन बैंक भी बंद रहेंगे। बता दें कि धार्मिक पंचांग के अनुसार फाल्गुन पूर्णिमा 2 मार्च से आरंभ होकर 3 मार्च तक रहेगी। इस बार होलिका दहन 3 मार्च की शाम को किया जाएगा, जबकि रंगों की होली 4 मार्च को मनाई जाएगी। त्योहार को देखते हुए प्रशासन ने राज्यभर में अवकाश की घोषणा की है ताकि लोग उत्सव को सुरक्षित और उल्लासपूर्ण तरीके से मना सकें। 

मोहाली में देश के पहले AI टावर से हजारों युवाओं को मिलेगा रोजगार

मोहाली. देश के पहले आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस टावर की सौगात मिलने जा रही है। यह महत्वाकांक्षी परियोजना एक्सपो सिटी के तहत विकसित की जा रही है और इसे भारत में एआई आधारित उद्योगों के बड़े केंद्र के रूप में देखा जा रहा है। पंजाब सरकार के अनुसार इस परियोजना की आधिकारिक शुरुआत हो चुकी है और यहां लगभग 300 देशी और विदेशी एआई कंपनियां अपना संचालन शुरू करेंगी। इससे हजारों युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। चंडीगढ़ एयरपोर्ट के पास बनेगा टावर यह एआई टावर चंडीगढ़ इंटरनेशनल एयरपोर्ट के नजदीक स्थापित किया जाएगा। करीब 183.5 एकड़ भूमि पर विकसित होने वाली इस परियोजना में रड्डा, धमाला, शफीपुर और लड्डियाली गांवों की जमीन शामिल है। सरकार का कहना है कि यहां केवल सॉफ्टवेयर विकास ही नहीं, बल्कि एआई आधारित हार्डवेयर, चिप निर्माण, स्मार्ट उपकरण और उन्नत तकनीकी उत्पादों का भी निर्माण किया जाएगा। परियोजना से इंजीनियर, डेटा वैज्ञानिक, सॉफ्टवेयर डेवलपर, शोध विश्लेषक, साइबर सुरक्षा विशेषज्ञ और ड्रोन तकनीक से जुड़े पेशेवरों को बड़े स्तर पर रोजगार मिलेगा। राज्य सरकार का दावा है कि इससे स्थानीय युवाओं को अपने प्रदेश में ही बेहतर अवसर मिलेंगे और उन्हें बाहर पलायन नहीं करना पड़ेगा। भूमि मालिकों के लिए विशेष लैंड पूलिंग नीति लागू की गई है, जिसके तहत जमीन अधिग्रहण के बजाय प्रति एकड़ लगभग 800 वर्ग गज का व्यावसायिक प्लॉट देने का प्रावधान किया गया है। परियोजना की निगरानी के लिए उच्च स्तरीय अधिकारियों की समिति गठित की गई है। सरकार का मानना है कि यह पहल पंजाब को एआई और आधुनिक तकनीक के क्षेत्र में राष्ट्रीय और वैश्विक पहचान दिलाएगी।

पंजाब के फरीदकोट में पारा 32 डिग्री के पार

लुधियाना. पंजाब में मौसम के तेवर गर्म होने लगे हैं। फरवरी के अंतिम दिनों में लोगों को उमस महसूस होने लगी है। पंजाब के अधिकांश जिलों में पिछले पांच दिनों से अधिकतम व न्यूनतम तापमान सामान्य से अधिक चल रहे है। हालांकि, सुबह व शाम हल्की ठंड बनी हुई है। शनिवार को पंजाब के ज्यादातर जिलों में न्यूनतम और अधिकतम तापमान सामान्य से अधिक दर्ज किए गए, जिसमें फरीदकोट में अधिकतम तापमान सबसे अधिक 32.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। यह सामान्य से सात डिग्री सेल्सियस अधिक रहा। जबकि न्यूनतम तापमान 15.4 डिग्री सेल्सियस रहा। न्यूनतम तापमान भी सामान्य से चार डिग्री सेल्सियस अधिक था। यही स्थिति राज्य के प्रमुख शहरों में भी रही। बठिंडा में अधिकतम तापमान 30.4 डिग्री, रूपनगर में अधिकतम तापमान 30.7 डिग्री, चंडीगढ़ में अधिकतम तापमान 29.5 डिग्री सेल्सियस, लुधियाना में 29.6 डिग्री, पटियाला में 29.4 डिग्री और अमृतसर 27.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। रोपड़ में अधिकतम तापमान सामान्य से 6.2 डिग्री, चंडीगढ़ में अधिकतम तापमान सामान्य से 5.1 डिग्री, लुधियाना में सामान्य से 5.8 डिग्री, अमृतसर में सामान्य से 3.9 डिग्री व पटियाला में सामान्य से 5.6 डिग्री सेल्सियस अधिक रहा। वहीं, इन जिलों न्यूनतम तापमान भी सामान्य से तीन से चार डिग्री सेल्सियस अधिक रहा। रोपड़ में 15.5 डिग्री, चंडीगढ़ में 14.0 डिग्री, लुधियाना में 13.4 डिग्री, पटियाला में 14.8 डिग्री, अमृतसर में 11.9 डिग्री, बठिंडा में 14.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दिनों में तापमान में और बढ़ोतरी हो सकती है। दिन में धूप तेज रहने की संभावना हैं। पांच मार्च के बाद मौसम बदल सकता है।

अमृतसर से खाड़ी देशों की फ्लाइट्स कैंसल होने से फंसे कई भारतीय

अमृतसर. मध्य पूर्व में ईरान और इराक के बीच बढ़ते तनाव का असर अब अंतरराष्ट्रीय हवाई सेवाओं पर भी दिखाई देने लगा है। सुरक्षा कारणों और हवाई मार्गों में बदलाव के चलते श्री गुरु रामदास जी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा, अमृतसर से संयुक्त अरब अमीरात और कतर जाने-आने वाली 7 उड़ानों को रद्द कर दिया गया है। अचानक हुई इस कार्रवाई से यात्रियों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ा। एयरपोर्ट सूत्रों के अनुसार मध्यरात्रि 1.15 बजे दुबई से आने वाली एयर इंडिया एक्सप्रेस की फ्लाइट संख्या IX192 रद्द रही। इसके अलावा रात 2.40 बजे दोहा से आने वाली कतर एयरवेज की फ्लाइट QR326 भी नहीं पहुंची। सुबह 7.40 बजे दुबई से आने वाली स्पाइस जेट की फ्लाइट SG56 और रात 9 बजे शारजाह से आने वाली इंडिगो की फ्लाइट 6E5119 भी निरस्त कर दी गई। इसी तरह अमृतसर से रवाना होने वाली उड़ानों पर भी असर पड़ा। सुबह 4.10 बजे दोहा के लिए निर्धारित कतर एयरवेज की फ्लाइट QR549 को रद्द कर दिया गया। सुबह 5.40 बजे शारजाह जाने वाली एयर इंडिया एक्सप्रेस की फ्लाइट IX137 और दोपहर 12 बजे शारजाह के लिए इंडिगो की फ्लाइट 6E1427 भी संचालित नहीं हो सकी। विदेश में फंसे सैलानी लगा रहे गुहार यूएई में फंसे हितेश ने इंटरनेट मीडिया पर जानकारी सांझा करते हुए भारतीय दूतावास से मदद की गुहार लगाई। उन्होंने अपने संदेश में लिखा- हम फ्लाइट 6E 1428 के यात्री हैं, जिसे शारजाह से अमृतसर के लिए रवाना होना था, लेकिन अब इसे रद्द कर दिया गया है। हम इस समय एयरपोर्ट पर फंसे हुए हैं और एयरलाइन की ओर से हमें किसी भी प्रकार की सुविधा या सहायता उपलब्ध नहीं कराई जा रही है। सुरक्षा के लिए लिया गया फैसला एयरलाइंस कंपनियों ने यात्रियों को एसएमएस और ईमेल के माध्यम से सूचना देने का दावा किया है। मौजूदा अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों को देखते हुए यह फैसला एहतियात के तौर पर लिया गया है। स्थिति सामान्य होने के बाद उड़ानों का संचालन फिर से बहाल किया जाएगा। फिलहाल यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे एयरपोर्ट आने से पहले संबंधित एयरलाइन से अपनी उड़ान की स्थिति की पुष्टि अवश्य कर लें।

पंजाब-हरियाणा हाई कोर्ट ने कहा- ‘मेरिट सूची में नाम होने से नौकरी का अधिकार नहीं’

चंडीगढ़. करीब डेढ़ दशक पुराने पंजाब स्टेट पावर कारपोरेशन लिमिटेड (पीएसपीसीएल) की लाइनमैन भर्ती विवाद में पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट ने नियुक्ति की मांग कर रहे अभ्यर्थियों की याचिकाएं खारिज कर दी हैं। अदालत ने स्पष्ट किया कि चयन प्रक्रिया में शामिल होना या मेरिट सूची में स्थान लेना उम्मीदवार को नियुक्ति का वैधानिक अधिकार प्रदान नहीं करता। जस्टिस हरप्रीत सिंह बराड़ की एकल पीठ ने कई याचिकाओं पर संयुक्त निर्णय सुनाते हुए कहा कि वर्ष 2011 में जारी विज्ञापन के तहत भर्ती को केवल 1000 पदों तक सीमित माना जाएगा और शेष पद भविष्य की रिक्तियां मानी जाएंगी। अदालत ने सभी दावों को निराधार ठहराया। अदालत के समक्ष याचिकाकर्ताओं का तर्क था कि जनवरी 2011 में लगभग 5000 लाइनमैन पदों के लिए आवेदन आमंत्रित किए गए थे और उन्होंने चयन प्रक्रिया में सफलतापूर्वक भाग लिया था, लेकिन लंबित जनहित याचिका के कारण नियुक्तियां रोक दी गईं। बाद में बोर्ड आफ डायरेक्टर्स द्वारा शेष पदों की भर्ती रद कर दी गई, जिससे उनके अधिकार प्रभावित हुए। हालांकि, हाई कोर्ट ने अपने निर्णय में कहा कि पूर्व में दायर जनहित याचिका के दौरान अदालत ने केवल 1000 पद भरने की अनुमति दी थी। इसके बाद उत्पन्न होने वाली रिक्तियां नई भर्ती के माध्यम से ही भरी जानी थीं। अदालत ने माना कि भविष्य की रिक्तियों को पुराने विज्ञापन के आधार पर भरना संविधान के अनुच्छेद 14 और 16 के तहत अन्य पात्र उम्मीदवारों के अधिकारों का उल्लंघन होगा। हाई कोर्ट ने कहा कि आयु सीमा में दी गई छूट केवल उम्मीदवारों को आगामी भर्तियों में भाग लेने का अवसर देने के लिए थी, इसे नियुक्ति का अधिकार नहीं माना जा सकता। अदालत ने माना कि याचिकाकर्ता किसी भी प्रकार का योग्य कानूनी अधिकार स्थापित करने में विफल रहे हैं। इस फैसले से लंबे समय से नियुक्ति की उम्मीद लगाए बैठे सैकड़ों अभ्यर्थियों को बड़ा झटका लगा है, जबकि बिजली निगम को भविष्य की भर्तियां नई चयन प्रक्रिया के माध्यम से करने की राहत मिल गई है।

त्योहार पर यात्रियों को राहत: होली के लिए 9 जोड़ी स्पेशल ट्रेनें चलेंगी

फिरोजपुर   फिरोजपुर मंडल के द्वारा होली को देखते हुए रेलयात्रियों के सुविधाजनक आवागमन हेतु नियमित निर्धारित ट्रेनों के अलावा 9 जोड़ी त्यौहार स्पैशल रेलगाड़ियों का संचालन किया जा रहा है। यह जानकारी देते हुए परमदीप सिंह सैनी वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक उत्तर रेलवे फिरोजपुर ने बताया कि पहले से चल रही नियमित गाड़ियों के अतिरिक्त, दिनांक 1 मार्च को होली स्पेशल ट्रेन 04614 अमृतसर से कटिहार (बिहार) के लिए दोपहर 14:15 बजे चलेगी और रास्ते में ब्यास, जालंधर शहर, ढंडारी कलां, अंबाला छावनी, सहारनपुर, मुरादाबाद, बरेली, शाहजहांपुर, सीतापुर, गोंडा, बस्ती, गोरखपुर, सिवान, छपरा, सोनपुर, हाजीपुर, शाहपुर पटोरी, बछवारा, बरौनी, खगड़िया, मानसी तथा नवगछिया रेलवे स्टेशनों पर पर ठहरेगी। उन्होंने बताया कि 2 मार्च को होली स्पेशल ट्रेन 04616 फिरोजपुर कैंट से दानापुर के लिए दोपहर 12:00 बजे चलेगी और रास्ते में मोगा, लुधियाना, अम्बाला कैंट, यमुनानगर जगाधरी, सहारनपुर, मुरादाबाद, बरेली, लखनऊ, रायबरेली, माँ बेल्हा देवी धाम (प्रतापगढ़), वाराणसी, पं. दीन दयाल उपाध्याय, बक्सर, रघुनाथपुर तथा आरा रेलवे स्टेशनों पर ठहरेगी। 2 मार्च को होली स्पेशल ट्रेन 04664 अमृतसर से पटना के लिए सुबह 9:45 बजे बजे चलेगी और रास्ते में ब्यास, जालंधर सिटी, ढंडारी कलां, सरहिन्द, अंबाला कैंट, यमुनानगर जगाधरी, सहारनपुर, रुड़की, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, हरदोई, लखनऊ, सुल्तानपुर, वाराणसी, पंडित दीनदयाल उपाध्याय, बक्सर, आरा तथा दानापुर रेलवे स्टेशनों पर ठहरेगी।   रेलयात्रियों से अनुरोध है कि इन होली स्पेशल ट्रेनों का लाभ उठाएं। इस अवसर पर मंडल रेल प्रबंधक संजीव कुमार ने यात्रियों से अपील किया है कि रेलयात्रियों की सुविधा के लिए गाड़ियों का उचित इंतजाम है। यात्रियों से यह भी निवेदन है कि ज्वलनशील पदार्थ लेकर यात्रा न करें।  

पंजाब के बरनाला से कांग्रेस का चुनावी आगाज: राहुल-खरगे की रैली में 2027 पर नजर

बरनाला (पंजाब) कांग्रेस नेता राहुल गांधी बरनाला रैली में पहुंच गए हैं। अनाज मंडी में मनरेगा मजदूर किसान बचाओ महा रैली में पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग, सुखजिंदर सिंह रंधावा, डॉ. राजकुमार वेरका, बरनाला के विधायक कुलदीप सिंह काला ढिल्लों, प्रताप सिंह बाजवा, सुखपाल सिंह खैरा, बीबी राजिंदर कौर भट्ठल, डॉक्टर धर्मवीर गांधी, गुरजीत सिंह औजला, पूर्व मंत्री व कांग्रेसी विधायक राणा गुरजीत सिंह समेत कई सीनियर लीडर भी मंच पर पहुंच चुके हैं। राहुल की रैली के लिए सियासी रणनीति के तहत मालवा क्षेत्र को चुना गया है। इस क्षेत्र के बरनाला में जिले में यह रैली होगी, क्योंकि यह जिला मालवा का केंद्र है। पार्टी सूत्रों के अनुसार रैली में करीब एक लाख लोगों की भीड़ एकत्रित करने का लक्ष्य रखा गया है। कांग्रेस मालवा से अपना सूखा खत्म करना चाहती है। इसलिए राहुल गांधी यही से चुनाव हुंकार भरेंगे। मनरेगा के संशोधन बिल और अमेरिका-भारत के बीच ट्रेड डील पर केंद्र सरकार को घेरते हुए मजदूरों और किसानों को साधेंगे। शिरोमणि अकाली दल को घेरेंगे जबकि आप सरकार में बढ़े रहे गैंगस्टरवार, नशीले पदार्थों की तस्करी के मामलों समेत अन्य मुद्दों पर आप सरकार पर भी निशाना साधेंगे। वरिष्ठ कांग्रेसियों को लगता है कि साल 2027 में कांग्रेस इस क्षेत्र में अपना खोया जनाधार वापस पाएगी। मान और बादल दोनों मालवा से अमूमन यह कहा जाता है कि पंजाब में सीएम मालवा क्षेत्र से ही निकलता है। मौजूदा सीएम भगवंत सिंह मान संगरूर से एमपी थे और अब धुरी से विधायक हैं। पूर्व सीएम प्रकाश सिंह बादल भी श्री मुक्तसर साहिब से थे। उनके बेटे व पूर्व डिप्टी सीएम सुखबीर बादल भी इसी क्षेत्र से हैं। मौजूदा सीएम के अलावा आप के तीन मंत्री हरपाल सिंह चीमा, बरिंदर सिंह गोयल व अमन अरोड़ा और आप के सांसद मीत हेयर  भी इसी क्षेत्र से आते हैं। 

राजीव गांधी का नाम पटियाला लॉ यूनिवर्सिटी से हटाने का प्रस्ताव, अकादमिक काउंसिल ने किया पारित

 पटियाला पंजाब के पटियाला स्थित राजीव गांधी नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ लॉ की अकादमिक काउंसिल ने विश्वविद्यालय के नाम से पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी का नाम हटाने की सिफारिश की है. प्रस्ताव के अनुसार, विश्वविद्यालय का नया नाम केवल “नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी” रखा जा सकता है. इस फैसले की पुष्टि विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. जयशंकर सिंह ने की है.  उन्होंने बताया कि यह प्रस्ताव अकादमिक काउंसिल में पारित हो चुका है और अब इसे कार्यकारी परिषद तथा पंजाब सरकार की मंजूरी के लिए भेजा जाएगा. अंतिम फैसला पंजाब सरकार का होगा. इस फैसले पर राजनीतिक प्रतिक्रिया भी सामने आई है. पटियाला से कांग्रेस सांसद डॉ. धर्मवीर गांधी ने इसका विरोध किया है. उनका कहना है कि यह कदम चुनावों से पहले राजनीतिक ध्रुवीकरण की कोशिश हो सकती है.  उन्होंने आम आदमी पार्टी, शिरोमणि अकाली दल और भाजपा पर ऐसे मुद्दे उठा कर राजनीतिक लाभ कमाने का आरोप लगाया. सांसद ने यह भी कहा कि देश में संस्थानों के नाम बदलने की प्रवृत्ति बढ़ रही है, जिससे हमारी ऐतिहासिक विरासत प्रभावित हो रही है. नाम बदलने की मांग पहली बार नहीं उठी है. नवंबर 2024 में अकाल तख्त के कार्यवाहक जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गर्गज ने भी केंद्र सरकार से इस विश्वविद्यालय का नाम बदलने की मांग की थी. उनका तर्क था कि 1984 के सिख विरोधी दंगों की पृष्ठभूमि में राजीव गांधी का नाम सिख समुदाय की भावनाओं को आहत करता है. यह विश्वविद्यालय साल 2006 में पंजाब सरकार द्वारा बनाए गए एक अधिनियम के तहत स्थापित किया गया था. अब सभी की निगाहें पंजाब सरकार के अंतिम फैसले पर टिकी हैं कि वह इस सिफारिश को स्वीकार करती है या नहीं.