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रफ्तार बनी मौत की वजह: ट्रैक्टर पलटने से चालक की जान गई, 5 घायल

बालोद छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में रविवार को एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। तेज रफ्तार ट्रैक्टर अनियंत्रित होकर खेत में पलट गया, जिससे चालक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पांच लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।यह हादसा राजहरा थाना क्षेत्र के पत्थराटोला गांव के पास हुआ। बताया जा रहा है कि ट्रैक्टर में 20 से अधिक ग्रामीण सवार थे, जो रजही डेम किनारे खटला खाने गए थे। खाना खाने के बाद सभी लोग पथरकटोला होते हुए अपने गांव लौट रहे थे, तभी रास्ते में ट्रैक्टर अनियंत्रित होकर खेत में पलट गया। हादसे में ट्रैक्टर चालक गौकरण दर्रो (40 वर्ष) ट्रैक्टर के नीचे दब गए, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। वहीं ट्रैक्टर में सवार पांच अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को तत्काल जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। पुलिस मौके पर पहुंचकर जांच में जुट गई है। ग्रामीणों के अनुसार ट्रैक्टर में क्षमता से अधिक लोग सवार थे, जिससे हादसे की आशंका और बढ़ गई थी। पुलिस मामले की विस्तृत जांच कर रही है।

श्रीनगर में CRPF जवानों से भरा बुलेटप्रूफ वाहन नहर में गिरा, 7 जवानों की हालत गंभीर

श्रीनगरः जिले के अहमद नगर इलाके में सेंट्रल रिजर्व पुलिस फोर्स (CRPF) के जवानों से भरा एक बंकर वाहन सड़क से फिसलकर नहर में जा गिरा. इस भीषण सड़क दुर्घटना में सीआरपीएफ की 21वीं बटालियन के सात जवान घायल हो गये हैं. हादसे के बाद घटनास्थल के पास अफरातफरी मच गयी. घटनास्थल पर सुरक्षा बल तैनात हैं. कैसे हुआ हादसा? प्राप्त जानकारी के अनुसार, सीआरपीएफ का बुलेट-प्रूफ बंकर वाहन अपनी नियमित ड्यूटी पर था. जैसे ही वाहन श्रीनगर के अहमद नगर क्षेत्र में पहुंचा, चालक अचानक वाहन पर से अपना नियंत्रण खो बैठा. चश्मदीदों के मुताबिक, वाहन की रफ्तार और सड़क की स्थिति के कारण बंकर वाहन बुरी तरह से लड़खड़ाया और सीधे सड़क किनारे बहने वाली एक नहर में जा गिरा. स्थानीय लोगों ने दिखाई बहादुरी हादसे के तुरंत बाद वहां मौजूद स्थानीय राहगीरों और निवासियों ने मिसाल पेश की. जैसे ही उन्होंने बंकर वाहन को नहर में गिरते देखा, वे जवानों की मदद के लिए दौड़ पड़े. स्थानीय लोगों ने तुरंत बचाव कार्य शुरू किया. काफी मशक्कत के बाद वाहन के भीतर फंसे सातों जवानों को सुरक्षित बाहर निकाला. रेस्क्यू के तुरंत बाद, घायलों को उपचार के लिए नजदीकी 'शेर-ए-कश्मीर इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज' (SKIMS), सौरा में भर्ती कराया गया. अस्पताल में उपचार और स्वास्थ्य की स्थिति अस्पताल के वरिष्ठ डॉक्टरों ने जवानों की जांच के बाद राहत भरी खबर दी है. डॉक्टरों का कहना है कि हालांकि जवानों को चोटें आई हैं, लेकिन सौभाग्य से ये चोटें मामूली हैं. वर्तमान में सभी जवानों की स्थिति स्थिर बताई जा रही है और वे डॉक्टरों की निगरानी में हैं. जांच के घेरे में दुर्घटना इस हादसे के बाद सुरक्षा और प्रशासनिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है. हालांकि अब तक आधिकारिक तौर पर इस पर कोई विस्तृत बयान जारी नहीं किया गया है. अधिकारियों का कहना है कि दुर्घटना के कारणों की बारीकी से जांच की जाएगी. जांच टीम इस बात का पता लगाएगी कि क्या यह हादसा तकनीकी खराबी के कारण हुआ, चालक की गलती थी या फिर कोई साजिश थी.

भिंड सड़क हादसा: बस-वन टक्कर, 5 मृतक और 7 घायल, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी

भिंड  मध्य प्रदेश के भिंड में शुक्रवार देर रात बस और वैन आमने-सामने भिड़ गए। हादसे में 5 लोगों की मौत हो गई, जबकि 7 अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हैं। टक्कर इतनी भीषण थी कि वैन पूरी तरह से टूट गई। उसमें सवार लोग अंदर ही फंस गए। हादसा गोहद चौराहा थाना अंतर्गत छींमका गांव के पास नेशनल हाईवे-719 पर रात 2.30 बजे हुआ। गोहद चौराहा थाना प्रभारी मनीष धाकड़ के अनुसार, ईको और वैन ग्वालियर से सवारियों को लेकर भिंड की ओर आ रहा था, जबकि बस भिंड से ग्वालियर की ओर जा रही थी। चार लोगों की मौत हादसे में चार लोगों की मौके पर ही मौत हो गई।वहीं घायलों को एंबुलेंस से ग्वालियर रेफर किया गया। फिलहाल, घायलों का ग्वालियर में इलाज जारी है।टीआई ने बताया कि अभी दो मृतकों की पहचान हुई है।इनके नाम अतुल शिवहरे निवासी फूप और जगदीश भदौरिया निवासी स्योड़ा गांव अकोड़ा है। बाकी के शिनाख्ती के प्रयास किए जा रहे हैं।पुलिस परिजनों का पता लगाने के लिए दस्तावेजों और वाहन नंबर के आधार पर जांच कर रही है।जिस जगह हादसा हुआ, वहां अंधा मोड़ है।हो सकता है दोनों वाहन तेज रफ्तार में हों।हादसे की जांच जारी है।दोनों वाहनों को सड़क से हटाकर यातायात बहाल कर दिया गया है।इस दर्दनाक घटना में केतु पुत्र संतोष, संतोष पुत्र कल्याण, प्रदीप पुत्र राम प्रकाश, मेंवाराम पुत्र बाबूराम, राम लखन पुत्र भागीरथ, मीरा पुत्र सुरेश, सुखबीर सिंह पुत्र श्री गंभीर रूप से घायल हो गए है.. वही पांच मार्को के शव पोस्टमार्टम भिजवा दिए है। घायलों को रेफर किया भिंड के एसपी असित यादव ने बताया कि घायलों को तुरंत जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां से गंभीर मामलों को ग्वालियर रेफर किया गया। हालांकि, तमाम विरोध औ प्रदर्शन के बावजूद हाईवे पर दुर्घटनाओं का सिलसिला जारी है। यातायात सुरक्षा पर गंभीर सवाल है कि बीते सालों में तमाम कोशिशों के बाद भी यहां कोई सुधार नहीं हो पाया है। जांच में पता चला कि बस की स्पीड ज्यादा थी और संभवतः चालक की लापरवाही से यह हादसा हुआ। परिवारों का विलाप दिल दहला देने वाला है। अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला और शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए गोहद अस्पताल भेजा।यह घटना न केवल एक हादसा है, बल्कि सड़क सुरक्षा के अभाव को उजागर करती है, जहां तेज रफ्तार और ओवरलोडिंग आम समस्या है।

दिल दहला देने वाला हादसा: जनकपुरी में तेज़ रफ्तार कार से पलटा ई-रिक्शा, मासूम की गई जान

जनकपुरी (पश्चिम दिल्ली) इलाके में एक दर्दनाक सड़क हादसे में कार की टक्कर से ई-रिक्शा पलट गया, जिससे उसमें सवार छह वर्षीय बच्ची की मौत हो गई, जबकि उसकी नानी घायल हो गईं। पुलिस के अनुसार, 17 फरवरी की सुबह माता चानन देवी अस्पताल से पीसीआर को सूचना मिली कि एक नाबालिग लड़की समेत दो लोग सड़क दुर्घटना में घायल हुए हैं। हादसे में बच्ची और उसकी नानी मर्सी जेवियर (57) को पहले माता चानन देवी अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें द्वारका स्थित एक उन्नत चिकित्सा केंद्र में रेफर कर दिया गया। इलाज के दौरान बच्ची ने तोड़ा दम अधिकारी ने बताया कि पूछताछ के दौरान मर्सी जेवियर (57) ने पुलिस को बताया कि 17 फरवरी को सुबह करीब 7:40 बजे वह अपनी नातिन के साथ ई-रिक्शा में यात्रा कर रही थीं। जब उनका ई-रिक्शा जनकपुरी दमकल केंद्र के पास पहुंचा, तभी एक कार से टकराकर पलट गया। हादसे के बाद दोनों सड़क पर गिर गए और उन्हें गंभीर चोटें आईं। आसपास के लोगों की मदद से उन्हें तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन बच्ची को बचाया नहीं जा सका। पुलिस ने मामला दर्ज कर दुर्घटना के कारणों और कार चालक की भूमिका की जांच शुरू कर दी है। जनकपुरी थाने में मामला दर्ज जनकपुरी (पश्चिम दिल्ली) में हुए दर्दनाक ई-रिक्शा हादसे में घायल मर्सी जेवियर का इलाज जारी है और उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। पुलिस के अनुसार, प्रारंभिक जांच के आधार पर जनकपुरी थाना में भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। जांच के दौरान दुर्घटना में शामिल वाहन को जब्त कर लिया गया है। अधिकारी ने बताया कि आरोपी चालक की पहचान संजीव के रूप में हुई है और उसे बुधवार को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस गवाहों के बयान दर्ज कर रही है तथा घटनाक्रम को स्पष्ट करने के लिए जनकपुरी दमकल केंद्र और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की जांच की जा रही है। इस घातक हादसे ने शहर में बड़ी संख्या में चल रहे ई-रिक्शा की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, दिल्ली में दो लाख से अधिक ई-रिक्शा पंजीकृत हैं, जिससे सड़क सुरक्षा और यातायात प्रबंधन को लेकर चिंता बढ़ गई है। मदद मांगी तो तुरंत कार लेकर भाग गया- मृतक की मां दर्दनाक हादसे में जान गंवाने वाली 6 वर्षीय बच्ची प्रेक्षेल की मां और नानी ने घटना की भयावह आपबीती बताई है। बच्ची की नानी ने बताया कि वे घर से स्कूल जाने के लिए निकली थीं और एक 16 वर्षीय ई-रिक्शा चालक उन्हें छोड़ने जा रहा था। रिक्शा सामान्य गति से चल रहा था, तभी अचानक एक तेज रफ्तार सफेद कार ने टक्कर मार दी। टक्कर लगते ही ई-रिक्शा पलट गया और बच्ची, नानी तथा चालक तीनों सड़क पर गिर पड़े। उन्होंने बताया कि बच्ची जमीन पर गिरी और गंभीर रूप से घायल हो गई। नानी को भी चोट आई, जिससे वह उठ नहीं पा रही थीं। उन्होंने पास खड़ी सफेद कार से मदद मांगी और बच्चे को अस्पताल ले चलने को कहा, लेकिन चालक वहां से कार लेकर भाग गया। बच्ची की मां सौम्या ने बताया कि वह मैक्स हॉस्पिटल द्वारका में नर्स हैं। नाइट ड्यूटी खत्म कर लौट रहे अस्पताल स्टाफ ने उन्हें हादसे की सूचना दी और बताया कि एक ई-रिक्शा पलटा हुआ है तथा एक महिला मदद मांग रही है। उन्होंने कहा कि कई गाड़ियों को रोकने की कोशिश की गई, लेकिन किसी ने मदद नहीं की। सौम्या के अनुसार, उनकी मां को यह नहीं पता था कि जिस कार से उन्होंने मदद मांगी, वही वाहन टक्कर मारने वाला था। मदद मांगने पर चालक मौके से फरार हो गया। यह हादसा 17 फरवरी की सुबह करीब 7:45 बजे हुआ। परिवार का कहना है कि उन्हें पुलिस की FIR की प्रति मिली है, लेकिन उन्होंने अभी उस पर हस्ताक्षर नहीं किए हैं। मामले की जांच जारी है। सरकार को हार्श ड्राइविंग पर कंट्रोल करना चाहिए- मृतक की नानी प्रेक्षेल की नानी ने सड़क सुरक्षा को लेकर गहरी चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि इस घटना के बाद परिवार पूरी तरह टूट गया है और अब सड़कों पर निकलने से भी डर लगने लगा है। नानी ने बताया कि उनका बेटा जर्मनी से आया हुआ है। हादसे के बारे में सुनकर उसने कहा कि वहां यातायात नियमों का सख्ती से पालन होता है और वाहन अनुशासन में चलते हैं, जबकि यहां लोग लापरवाही से गाड़ी चलाते हैं। इस पर उन्होंने जवाब दिया कि “वह जर्मनी है, लेकिन दिल्ली में कोई नियंत्रण नहीं है, यहां कभी भी किसी की मौत हो सकती है।” उन्होंने सरकार से मांग की कि तेज और लापरवाह ड्राइविंग पर सख्त नियंत्रण किया जाए, ताकि निर्दोष लोगों की जान न जाए। उनका कहना था कि “जो व्यक्ति तेज गाड़ी चला रहा है, वह अपने साथ दूसरों की जिंदगी भी खतरे में डालता है।” परिवार ने बताया कि बच्ची का अंतिम संस्कार कर वे लौटे हैं, लेकिन गम और डर अभी भी बना हुआ है। इस हादसे ने एक बार फिर राजधानी में सड़क सुरक्षा और ट्रैफिक नियमों के पालन पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। ई-रिक्शा की वास्तविक संख्या काफी अधिक दिल्ली में हुए दर्दनाक हादसे के बाद सड़कों पर चल रहे ई-रिक्शा की सुरक्षा व्यवस्था और नियमों के पालन पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। प्रवर्तन एजेंसियों के सूत्रों के अनुसार, शहर में चलने वाले ई-रिक्शा की वास्तविक संख्या आधिकारिक आंकड़ों से कहीं अधिक हो सकती है, क्योंकि कई वाहन बिना उचित पंजीकरण या सुरक्षा मानकों का पालन किए सड़कों पर दौड़ रहे हैं। एक पुलिस सूत्र ने बताया कि बड़ी संख्या में ई-रिक्शा भीड़भाड़ वाले आवासीय और बाजार क्षेत्रों में चलते हैं, जहां अक्सर यातायात नियमों का पालन नहीं किया जाता। कई मामलों में वाहन क्षमता से अधिक यात्रियों को बैठाया जाता है या सीमित प्रशिक्षण वाले चालक इन्हें चलाते हैं, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है।

तीन युवकों की जान गई, उदयपुर में ओवरटेक करते समय हुआ भीषण टकराव

उदयपुर जिले के कोटड़ा ब्लॉक स्थित मांडवा थाना क्षेत्र में मंगलवार देर शाम एक दर्दनाक सड़क हादसा पेश आया। कोदरमाल गाँव के पास ओवरटेक करने के प्रयास में एक बाइक बेकाबू होकर ऑटो से जा टकराई। इस भीषण भिड़ंत में तीन युवकों की जान चली गई, जिससे पूरे क्षेत्र में शोक की लहर छा गई है। हादसे का मंजर : दो की मौके पर मौत, एक ने अस्पताल में तोड़ा दम पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि दो युवकों ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया था। राहगीरों और पुलिस की मदद से तीसरे गंभीर रूप से घायल युवक को तुरंत कोटड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुँचाया गया, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था; इलाज के दौरान उसकी भी सांसें थम गईं। मृतकों की पहचान : हादसे का शिकार हुए तीनों युवक कोटड़ा क्षेत्र के ही निवासी थे, हरीश (24) पुत्र मसरू गमार, शंकरलाल (25) पुत्र सुनील खराड़ी, कालाराम (23) पुत्र किसनाराम। कैसे हुआ हादसा? मांडवा थानाधिकारी निर्मल कुमार ने बताया कि प्रारंभिक जांच में 'ओवरटेक' हादसे का मुख्य कारण सामने आया है। बाइक सवार युवक मांडवा से कोटड़ा की ओर जा रहे थे। इसी दौरान उन्होंने आगे चल रहे एक ऑटो को ओवरटेक करने की कोशिश की। तभी सामने से एक तेज रफ्तार जीप आ गई। जीप से बचने और ऑटो को पार करने की जद्दोजहद में बाइक सीधे ऑटो से जा टकराई। पुलिस की कार्रवाई हादसे के बाद सड़क पर लंबा जाम लग गया, जिसे पुलिस ने मौके पर पहुँचकर खुलवाया। मांडवा थाना पुलिस ने तीनों शवों को अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया है और परिजनों को सूचित कर दिया गया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और दुर्घटना के तकनीकी पहलुओं की जांच कर रही है। सावधान! आपकी एक गलती जानलेवा है यह हादसा उन युवाओं के लिए एक कड़ा सबक है जो सड़कों पर रफ्तार और ओवरटेक को रोमांच समझते हैं। मांडवा-कोटड़ा मार्ग जैसे संकरे और घुमावदार रास्तों पर जरा सी लापरवाही मौत का बुलावा साबित हो सकती है।

अज्ञात वाहन की टक्कर से बाइक सवार युवक की मौत

अज्ञात वाहन की टक्कर से बाइक सवार युवक की मौत   बाइक पर पीछे बैठे साथी को आई गंभीर चोट  भोपाल  नजीराबाद इलाके में अज्ञात वाहन की टक्कर से बाइक सवार एक युवक की मौत हो गई, जबकि पीछे बैठे साथी को गंभीर चोट आई है। उसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घायल युवक के बयान होने  के बाद ही पता चल पाएगा कि किसी वाहन ने बाइक को टक्कर मारी थी। जानकारी के अनुसार विकास पुत्र सरजू सिंह (25) बैरसिया का रहने वाला था और खेती किसानी करता था सोमवार को वह अपने दोस्त के साथ बाइक से ग्राम रुनाहा से नजीराबाद की तरफ जा रहा था। इसी दौरान किसी वाहन ने उसे टक्कर मार दी, जिससे दोनों युवक सड़क पर गिरकर घायल हो गए। घायलों को इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया गया, जहां से विकास को हमीदिया रैफर किया गया था। हमीदिया अस्पताल में डॉक्टरों ने चैक करने के बाद विकास सिंह को मृत घोषित कर दिया, जबकि उसके साथी का इलाज चल रहा है। बताया जाता है कि सिर में गंभीर चोट लगने के कारण विकास की मौत हुई थी।  बुजुर्ग व्यक्ति की संदिग्ध हालत में मौत  अवधपुरी इलाके में एक बुजुर्ग व्यक्ति की संदिग्ध हालत में मौत हो गई। पुलिस ने मर्ग कायम कर शव का पीएम कराने के बाद लाश परिजन को सौंप दी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने के बाद मौत के सही कारणों का खुलासा हो पाएगा। जानकारी के अनुसार जगदीश वैद्य (60) बरखेड़ा पठानी गोविंदपुरा के रहने वाले थे और टेलरिंग का काम करते थे। उनकी आधार शिला अवधपुरी में दुकान है। सोमवार को वह दुकान पर पहुंचे थे। दोपहर के समय आसपास के लोगों ने उन्हें बेसुध अवस्था में देखा। सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंची एम्बुलेंस ने उन्हें इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने चेक करेन के बाद मृत घोषित कर दिया। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

बाइकों के बीच हुई भिड़ंत में दो युवक घायल

भोपाल  बैरसिया इलाके में बाइकों के बीच हुई आमने-सामने की भिड़ंत में दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों को इलाज के लिए निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इसी इलाके में हुए एक अन्य सड़क हादसे में भी दो लोगों को गंभीर चोट आई है।पुलिस ने सभी मामलों में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार छोटेलाल पुत्र खुमान सिंह (26) सिरोंज का रहने वाला है। सोमवार को वह अपने काम से भोपाल आया था। दोपहर बाद वह मोटर सायकिल से वापस अपने घर लौट रहा था। शमशाबाद बैरसिया रोड स्थित ग्राम हिनौतिया पीरान के पास सामने से आ रही तेज रफ्तार बाइक के चालक ने उसकी बाइक में टक्कर मार दी, जिससे दोनों सड़क पर गिरकर घायल हो गए। दूसरी बाईक पर जोसब सिंह परमाल निवासी ग्राम कढ़ैया शाह पारदी टपरा थाना बैरसिया सवार था। उसे इस हादसे में गंभीर चोट आई है। हादसे में घायल दोनों युवकों को इलाज के लिए निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने इस मामले में एक्सीडेंट का काउंटर केस दर्ज किया है।  सड़क हादसे में बाइक सवार दंपति घायल  बैरसिया इलाके में एक तेज रफ्तार पल्सर बाइक चालक ने मोटर सायकिल को टक्कर मार दी, जिससे मोटर सायकिल सवार दंपति को सड़क पर गिरकर घायल हो गए। जानकारी के अनुसार नासिर खां (24) मूलत: गुना का रहने वाला है। सोमवार दोपहर करीब एक बजे वह अपनी पत्नी और बेटी के साथ मोटर सायकिल से भोपाल से अपने घर लौट रहा था। शमशाबाद बैरसिया रोड स्थित ग्राम मेगरा जोड़ के पास एक तेज रफ्तार पल्सर बाइक चालक ने उसकी मोटर सायकिल में टक्कर मार दी, जिससे तीनों सड़क पर गिरकर घायल हो गए। गंभीर रूप से घायल पत्नी और बेटी को नासिर ने इलाज के लिए बैरसिया अस्पताल पहुंचाया और बाद में थाने जाकर एक्सीडेंट की रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

ब्रेकर में बाइक जैंपिंग होने से हादसा: चालक को आया गंभीर रूप से जख्म

ब्रेकर में बाइक जैंपिंग होने से हादसा: चालक को आया गंभीर रूप से जख्म राजेन्द्रग्राम छबिलाल  थाना क्षेत्र राजेंद्र ग्राम अन्तर्गत आने वाली ग्राम पंचायत हरस्वाह जो की रीवा अमरकंटक मार्ग से करीब 2 से 3 किलोमीटर धर्मदास रोड निकलती है वही स्थिति आमा टोला के पास ब्रेकर में बाइक उछलने से हादसा हुआ। अपने घर से आ रहे पति-पत्नी ब्रेकर में जंपिंग होने के कारण  मोटरसाइकिल अनबैलेंस हो गया और वही पति-पत्नी गिर पड़े। जिससे चालक को गंभीर चोटें आई है और पत्नी को आंतरिक चोट बताया गया। जानकारी के अनुसार बताया गया कि बाइक चालक दशरथ प्रसाद पिता कमला प्रसाद 40 वर्ष और उनकी पत्नी ममता बाई पति दशरथ प्रसाद उम्र 38 वर्ष ग्राम हरसवाह ऐ दोनो पति पत्नी एक ही परिवार के सदस्य बताए जा रहा हैंlजो आमा टोला में ब्रेकर के पास की घटना बताई जा रही है। बताया गया कि,राजेंद्रग्राम अपने निजी काम को लेकर जा रहे पति-पत्नी हादसे का शिकार हुए जिसमें चालक को गंभीर चोटें एवं पत्नी को मामूली जख्मों का सामना करना पड़ा अचानक सामने ब्रेकर होने के कारण चालक ने ब्रेक लगाया जहां मोटरसाईकल अनबैलेंस हो गया और वाहन दूर फेखा गया और चालक वा उसकी पत्नी ममता बाई मामूली चोट भी नहीं दिखाई पड़ रहा है और चालक को गंभीर रूप से घायल बताई गई है। वहीं मौकें पर  राहगीरो वा  चालक के परिजनों के माध्यम से इन्हें तुरंत अपने  स्वयं के वाहन के माध्यम से चालक को प्राथमिक उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पुष्पराजगढ़ राजेंद्रग्राम चिकित्सालय भेजा गया । घायल व्यक्ति को गंभीर रूप से चोट लगने से राजेंद्रग्राम अस्पताल से डॉक्टरों ने जांच के बाद सुई इंजेक्शन व मलहम पट्टी कर उन्हे जिला चिकित्सालय अनूपपुर रेफर करने का सलाह दिया गया है। और चालक को गंभीर चोटें बताया गया जिसमें सर में चोट मुंह टूट जाने की समस्या बताया गया और डॉक्टर के द्वारा हड्डी विशेषज्ञ डॉक्टर को दिखाने की सलाह दी गई। और चालक के परिवार ने कहा कि वे इस हादसे से चिंतित हैं। उन्होंने अन्य बाइक चालकों से वाहन की नियमित जांच करने की अपील की है। यह घटना वाहन की नियमित जांच और सड़क सुरक्षा के महत्व को दर्शाती है।

जयपुर सड़क हादसे: शनिवार सुबह अलग-अलग घटनाओं में 7 लोगों की मौत, चाकसू में भी बड़ा हादसा

जयपुर  जिले के चाकसू इलाके में एक बार फिर तेज रफ्तार का कहर देखने को मिला. राष्ट्रीय राजमार्ग 52 पर टिगरिया मोड़ के पास शनिवार सुबह हुए भीषण सड़क हादसे में महिला समेत पांच लोगों की दर्दनाक मौत हो गई. तेज रफ्तार कार आगे चल रहे डंपर से जा भिड़ी, जिससे कार के परखच्चे उड़ गए. टक्कर इतनी भीषण थी कि चार लोगों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया. पुलिस के अनुसार कार सवार सभी लोग जबलपुर (मध्यप्रदेश) के निवासी थे और दर्शन कर जयपुर की ओर आ रहे थे. हादसे की प्रारंभिक वजह चालक को झपकी आना बताई जा रही है. सुबह साढ़े पांच बजे हुआ हादसा : चाकसू थाना प्रभारी मनोहर लाल मेघवाल ने बताया कि शनिवार सुबह करीब साढ़े पांच बजे टिगरिया मोड़ के पास दुर्घटना हुई. कार कोटा-जयपुर मार्ग पर जा रही थी, तभी चालक को झपकी आने से वाहन आगे चल रहे डंफर में जा घुसा. टक्कर के बाद कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और शव गाड़ी में बुरी तरह फंस गए. क्रेन की सहायता से वाहन को हटाकर यातायात सुचारू कराया गया. हादसे के बाद हाईवे पर लंबा जाम लग गया, जिसे पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद खुलवाया. मृतकों की पहचान : हादसे में मृतकों की पहचान हो गई है. जिनमें रेशमा श्रीवास्तव (55), पत्नी अखिलेश श्रीवास्तव, पीयूष पुत्र राजेश राय, रजक राहुल पुत्र बबलू रजक, चालक अनुराग और शानू सभी मृतक जबलपुर के निवासी बताए जा रहे हैं. रजक राहुल खेरमाई मंदिर के पास जबलपुर सिटी क्षेत्र का रहने वाला था. महाकाल के दर्शन के बाद जा रहे थे खाटूश्यामजी : पुलिस के अनुसार मृतका रेशमा श्रीवास्तव की बेटी पलक श्रीवास्तव ने बताया कि उनकी मां दो दिन पहले उज्जैन स्थित श्री महाकालेश्वर मंदिर में दर्शन के लिए निकली थी. 13 फरवरी को दर्शन करने के बाद वे खाटू श्याम जी मंदिर (रींगस, सीकर) के दर्शन के लिए जा रहे थे. गाड़ी में सवार शानू पहले रेशमा का ड्राइवर रह चुका था. रजक राहुल, अनुराग का दोस्त था और पीयूष उनका परिचित था. परिजनों को हादसे की सूचना दे दी गई है. बताया जा रहा है कि पलक को अभी तक उनकी मां के निधन की जानकारी नहीं दी गई है, उन्हें केवल घायल होने की सूचना दी गई है. पुलिस जांच में जुटी : दुर्घटना थाना सेकेंड के जांच अधिकारी जयसिंह ने बताया कि शवों को चाकसू की मॉर्चरी में रखवाया गया है. पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपे जाएंगे. पुलिस हादसे के वास्तविक कारणों की गहन पड़ताल कर रही है. तेज रफ्तार और नींद की झपकी एक बार फिर जानलेवा साबित हुई है, जिससे क्षेत्र में शोक की लहर है. ​चीख-पुकार और रेस्क्यू ऑपरेशन : ​टक्कर की आवाज इतनी तेज थी कि आसपास के लोग और वहां से गुजर रहे अन्य वाहन चालक तुरंत मदद के लिए दौड़े. कार के अंदर का नजारा बेहद हृदयविदारक था. ​पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद कार में फंसे लोगों को बाहर निकाला. मौके पर ही चार लोगों ने दम तोड़ दिया था. एक महिला गंभीर रूप से घायल थी, जिसे तुरंत एंबुलेंस की सहायता से नजदीकी अस्पताल ले जाया गया लेकिन, इलाज के दौरान चिकित्सकों ने उसे भी मृत घोषित कर दिया. ​दूदू में भी 2 ने तोड़ा दम : दूदू क्षेत्र में नेशनल हाईवे-48 पर दातरी के पास अचानक टायर फटने से प्लाईवुड से भरी एक पिकअप गाड़ी पलट गई, जिससे दर्दनाक सड़क हादसा हो गया. दुर्घटना में प्लाईवुड के नीचे दबने से दो महिलाओं की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो से तीन लोग घायल बताए जा रहे हैं. सूचना मिलते ही ड्यूटी ऑफिसर रामअवतार चौधरी मौके पर पहुंचे और क्रेन की मदद से दबे हुए लोगों को बाहर निकाला गया. घायलों को तुरंत दूदू के उप जिला अस्पताल भेजा गया, जबकि मृतकों के शव मोर्चरी में रखवाए गए हैं. पुलिस मामले की जांच में जुटी है और हादसे के कारणों की पड़ताल की जा रही है.

विदिशा हादसा: बारातियों की कार भटक कर तालाब में गिरी, कई घायल और तीन की मौत

विदिशा  मध्य प्रदेश के विदिशा जिले में गुरुवार देर रात बारातियों से भरी तेज रफ्तार टवेरा कार अनियंत्रित होकर 30 फीट गहरे सूखे तालाब में जा गिरी। हादसे में 3 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 7 अन्य लाेग घायल हो गए, घायलाें में दाे की हालत गंभीर बताई जा रही है। घटना कोतवाली थाना क्षेत्र की है। जानकारी के अनुसार गैरतगंज के जाफरखेड़ी निवासी दशरथ सिंह के यहां बारात आ रही थी। टवेरा कार में कुल 10 लोग सवार थे। देर रात अंधेरा होने और तेज रफ्तार के कारण ड्राइवर वाहन से नियंत्रण खो बैठा। देखते ही देखते कार सड़क से फिसलकर करीब 30 फीट नीचे सूखे तालाब में जा गिरी। हादसे में 35 वर्षीय राजेश लोधी, 30 वर्षीय सोनू लोधी (ड्राइवर) और 35 वर्षीय चंद्रशेखर की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। वहीं घायलों में अशोक लोधी (25) का बायां हाथ फ्रैक्चर हुआ है। 14 वर्षीय राज बोधी के पेट में गंभीर चोट आई है। बृजेश लोधी (27) और सुदीप लोधी (20) के सीने में गंभीर चोटें हैं। 45 वर्षीय भावसिंह लोधी और 10 वर्षीय ऋतुराज लोधी की हालत नाजुक बताई जा रही है। प्राथमिक उपचार के बाद दोनों को विदिशा मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। इनमें से एक घायल को देर रात गंभीर हालत में भोपाल रेफर करना पड़ा। ग्रामीणों ने दिखाई मानवता हादसा शादी वाले घर से करीब एक किलोमीटर दूर हुआ। तेज धमाके की आवाज सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे। कार में फंसे घायलों को बाहर निकालकर निजी वाहनों से जिला अस्पताल पहुंचाया। कई घायल खून से लथपथ थे—किसी के माथे से तो किसी के हाथ से लगातार खून बह रहा था। कलेक्टर पहुंचे अस्पताल घटना की सूचना मिलते ही कलेक्टर अंशुल गुप्ता जिला अस्पताल पहुंचे और घायलों का हालचाल जाना। उन्होंने घटनास्थल का भी निरीक्षण किया। एडीएम, तहसीलदार, सीएसपी, कोतवाली और सिविल लाइन थाना प्रभारी सहित अन्य अधिकारी भी मौके पर मौजूद रहे। सिविल सर्जन डॉ. अनूप वर्मा के नेतृत्व में डॉक्टरों की टीम ने तुरंत उपचार शुरू किया। डॉ. वर्मा ने बताया कि दो घायलों की हालत गंभीर है और उन्हें बेहतर इलाज के लिए रेफर किया गया है, जबकि अन्य घायलों का इलाज जिला अस्पताल में जारी है और वे फिलहाल खतरे से बाहर हैं।