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मन की बात कार्यक्रम-विविधता से भरे भारत का प्रस्तुत करती है लघु रूप

कोटरा स्थित कमला नेहरु उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में नागरिकों को दिलाई स्वदेशी की शपथ भोपाल  प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के मन की बात के प्रसारण का मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कोटरा सुल्तानाबाद स्थित कमला नेहरु उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में स्थानीय निवासियों के साथ श्रवण किया। साथ ही कार्यक्रम में उपस्थित जन समुदाय को स्वदेशी की शपथ दिलाई। मन की बात कार्यक्रम के प्रसारण के बाद अपने संबोधन में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी ने अपने कार्यों और नवाचारों के आधार पर देश में सकारात्मक ऊर्जा का संचार किया है। मन की बात कार्यक्रम भारत का लघु रूप प्रस्तुत करती है। विविधता से भरे देश के विभिन्न राज्यों में क्या नया हो रहा है, यह इस कार्यक्रम से संक्षेप में ज्ञात होता है। राज्यों के कई नवाचार अनुकरणीय और प्रेरक होते हैं। इस संदर्भ में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने आज के मन की बात कार्यक्रम के 127वें एपिसोड में प्रधानमंत्री श्री मोदी द्वारा संस्कृत भाषा के प्रति युवाओं की बढ़ती रूचि का विशेष रूप से उल्लेख किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री श्री मोदी की पहल पर गुजरात में केवड़िया धाम पर्यटन के सुंदर और आकर्षण केंद्र के रूप में विकसित हुआ है। सरदार वल्लभ भाई पटेल की 150वीं जयंती पर कई कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। राज्य सरकार का दल भी इन कार्यक्रमों में सहभागिता करेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने छठ पूजा की बधाई देते हुए कहा कि यह पर्व भारतीय परिवार परम्परा की सशक्त अभिव्यक्ति है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश स्थापना दिवस पर होने वाले कार्यक्रमों में सम्राट विक्रमादित्य पर केंद्रित महानाट्य की प्रस्तुति भी होगी। कार्यक्रम पूर्ण भव्यता के साथ 5 मंचों पर किया जाएगा। यह भोपाल में उस युग को पुनः जीवंत करने का प्रयास है। सम्राट विक्रमादित्य के जन्म से लेकर उनके राज्यारोहण तक की सभी गाथाओं को एक सूत्र में पिरोया गया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने उपस्थित जनसमुदाय से स्थापना दिवस के कार्यक्रमों में उत्साह के साथ सहभागिता करने का आहवान किया। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि 'मन की बात' कार्यक्रम में देश राष्ट्रगीत वंदे मातरम की रचना के 150 में वर्ष में प्रवेश कर रहा है। इस अवसर पर देशभर में वृहद स्तर पर राष्ट्रभक्ति से प्रेरित आयोजन किए जाएंगे। उन्होंने 15 नवंबर को भगवान बिरसा मुंडा की जयंती का उल्लेख करते हुए कहा कि इसे जनजाति गौरव दिवस के रूप में मनाया जाएगा। उन्होंने युवाओं से भारतीय जनजाति गौरव के प्रतीक रहे महापुरुषों के जीवन पर आधारित साहित्य और पुस्तकों का अध्ययन कर उनके संघर्षों को जानने समझने का आहवान किया। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने भारत में संस्कृत को प्रोत्साहित करने वाले अनेक सोशल मीडिया इनफ्लुएंसर का उल्लेख करते हुए उनके कार्यों की सराहना की। उन्होंने कहा कि भाषा किसी भी परंपरा के मूल्यों की वाहक होती है और संस्कृत ने यह कार्य वर्षों तक बखूबी किया है। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने बताया कि भारतीय नस्ल के श्वानों को भारतीय सुरक्षा एंजेसियों की गतिविधियों में शामिल किया जा रहा है। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने विश्व में लोकप्रिय हो रही भारतीय कॉफी की भी चर्चा की।  

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अनूपपुर विधायक के पुत्र के निधन पर शोक संवेदना व्यक्त की

भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अनूपपुर विधायक एवं पूर्व मंत्री श्री बिसाहू लाल सिंह के गृह ग्राम परासी पहुंचकर उनके पुत्र स्व. अमृतलाल सिंह के असामायिक निधन पर श्रद्धासुमन अर्पित कर शोक-संवेदना व्यक्त की। उन्होंने ईश्वर से दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान देने और शोक संतप्त परिवार को दुख की इस घड़ी में संबल प्रदान करने की प्रार्थना की। इस दौरान विधायक अनूपपुर पूर्व मंत्री श्री बिसाहूलाल सिंह एवं परिजन सहित कुटीर एवं ग्रामोद्योग राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री दिलीप जायसवाल, अध्यक्ष कोल विकास प्राधिकरण (कैबिनेट मंत्री दर्जा) श्री रामलाल रौतेल, विधायक जयसिंहनगर श्रीमती मनीषा सिंह, अध्यक्ष नगर पालिका परिषद पसान श्री राम अवध सिंह, जनप्रतिनिधि और कलेक्टर श्री हर्षल पंचोली उपस्थित रहे। 

सुश्री यादव अरुणाचल प्रदेश से गुजरात तक करेंगी साइकिल यात्रा

एकीकृत, सशक्त और प्रगतशील भारत के संदेश का होगा प्रचार भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं वर्षगांठ को समर्पित पैडल टू प्लांट कार्यक्रम 'नया भारत-हरा भारत' की यात्रा पर निकल रही प्रदेश की बेटी अंतर्राष्ट्रीय पर्वतारोही सुश्री अंजना यादव को मुख्यमंत्री निवास स्थित समत्व भवन से रविवार को झंडी दिखाकर रवाना किया। पेडल टू प्लांट कार्यक्रम, नया भारत हरा भारत के अंतर्गत सुश्री अंजना यादव और उनकी टीम के द्वारा अरुणाचल प्रदेश से गुजरात 4 हजार किलोमीटर साइकिल से सफर तय किया जाएगा। इसके अंतर्गत वे भारत की संस्कृति, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक समरसता का संदेश देंगी। सुश्री अंजना यादव सरदार वल्लभभाई पटेल के एकीकृत, सशक्त और प्रगतशील भारत के दृष्टिकोण को भी प्रचारित करेंगी। सुश्री अंजना यादव रायसेन जिले के ग्राम सेमारी की रहने वाली हैं, जो 5 वर्षों से माउंटेनियर के रूप में सक्रिय हैं। सुश्री अंजना यादव अब तक 20 अंतर्राष्ट्रीय पर्वतों पर चढ़ाई कर चुकी हैं। अब उनका अगला लक्ष्य विश्व की सबसे ऊंची चोटी माउंट ऐवरेस्ट पर वर्ष-2026 में सफलता प्राप्त करना है।  

प्राकृतिक खेती करने वाले किसानों को समर्थन मूल्य के अलावा मिलेगी अतिरिक्त राशि

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि समाज और सरकार के सहयोग से प्रदेश की गौ-शालाओं को गौ-मंदिर के रूप में विकसित किया जायेगा। गौ-शालाओं में सभी जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराई जायेंगी। गौ-शालाओं के विकास और उनके स्वावलंबन के लिये हर संभव मदद दी जायेगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश में प्राकृतिक खेती करने वाले किसानों को भी प्रोत्साहित किया जायेगा। प्राकृतिक रूप से तैयार उपज पर किसानों को समर्थन मूल्य के साथ ही अतिरिक्त राशि भी प्रदान की जायेगी। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा निर्णय लिया गया है कि प्रदेश में गौ-शालाओं का संचालन नगरीय निकायों द्वारा सुव्यवस्थित रूप से किया जायेगा। प्रदेश में खुले में विचरण करने वाली निराश्रित गायों को पिंजरे में नहीं बल्कि गौ-शालाओं में सुरक्षित रूप से रखने के प्रबंध कर उनकी बेहतर देखभाल की जायेगी। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव बुधवार को इंदौर जिले के हातोद तहसील के खजूरिया में नगर निगम इंदौर द्वारा स्थापित रेशम केन्द्र गौशाला में आयोजित गोवर्धन पूजा कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच गोवर्धन पूजन किया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि गाय का दूध अमृत है। उसमें सबसे अधिक पोषक तत्व होते हैं। गाय के दूध के सेवन से बीमारियां दूर होती हैं और व्यक्ति स्वयं को स्वस्थ और आनंदित पाता है। गौ-माता दोहरा पोषण करती है। वह अपने बछड़े के पालन के साथ-साथ मानव जाति का भी पोषण करती हैं हर युग में हर आश्रम में गौ-माता पाली जाती थी और जगह-जगह गौ-पालन होता था। परम्परागत रूप से घरों में पहली रोटी गाय के लिये बनाई जाती है। बालिका महक को किया सम्मानित मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कार्यक्रम स्थल पर निर्मित किये गए गोवर्धन पर्वत की सराहना की। इस अवसर पर उन्होंने गोवर्धन पर्वत की साज-सज्जा कर आकर्षक स्वरूप देने वाली बालिका महक शर्मा को सम्मानित किया। सम्मान स्वरूप उसे 5 हजार रूपये की प्रोत्साहन राशि दी। साथ ही उन्होंने बालिका को 11 हजार रुपये देने की घोषणा भी की। गौ-शाला के अखाड़े का किया अवलोकन मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गौ-शाला में बने अखाड़े का अवलोकन किया। उन्होंने अखाड़े में कुश्ती देखी और पहलवानों का हौसला बढ़ाया और उनके साथ संवाद किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि अखाड़ों से हमारे पहलवान कृष्ण और बलराम जैसे बनेंगे। आधुनिक दौर में मेट पर कुश्तियां भी हो रही हैं, इस अखाड़े में भी मेट की व्यवस्था की जायेगी। नगरीय प्रशासन एवं आवास मंत्री श्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि गौ-शालाओं के विकास के लिये सभी जनप्रतिनिधि भी आर्थिक सहयोग दें। उन्होंने कहा कि गौ-माता में 33 करोड़ देवी-देवताओं का वास होता है। गौ-माता की सेवा से बढ़कर कोई धर्म नहीं है। हम अपने बच्चों का जन्मदिन केक काटने की बजाय गौ-शालाओं की सेवा करके मनायें। उन्होंने कहा कि गोबर और गोमूत्र से गौ-शालाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में काम किये जाने की जरूरत है। जल संसाधन मंत्री श्री तुलसीराम सिलावट ने कहा कि राज्य शासन द्वारा पहले प्रति गाय के पोषण के लिये जो राशि प्रदान की जाती थी अब उसे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बढ़ाकर दोगुना कर दिया गया है। इससे गौ-पालन और गौ-संवर्धन दोनों बढ़ेंगे। उन्होंने आगे कहा कि गौ-माता हमारी संस्कृति का प्रतीक है। रेशम केन्द्र की गौशाला को आदर्श गौशाला के रूप में स्थापित किया जायेगा। महापौर श्री पुष्यमित्र भार्गव ने कहा कि नगर निगम गौ-शाला को बढ़ाने के लिये सतत प्रयासरत है। पहले यहां पर मात्र 630 गाय थी जो आज बढ़कर 2300 से अधिक हो गई है। इस सेवा कार्य में जनता की सहभागिता जरूरी है। उन्होंने कहा कि गौ-शाला में नवनिर्मित हॉस्पिटल में आईसीयू सेंटर बनाया गया है, जहां बीमार गाय का ठीक से उपचार किया जाता है। स्वामी अच्युतानंद जी महाराज ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के गौवंश के प्रति बढ़ते प्रेम की वजह से आज प्रदेश में उज्जैन सहित ग्वालियर, भोपाल, जबलपुर आदि गौ-शालाओं में जनभागीदारी के माध्यम से हजारों गायों का पालन हो रहा है। रेशम केन्द्र गौ-शाला में बाहरी प्रदेशों से आई गायों का बेहतर तरीके से पोषण किया जा रहा है। गौ-शाला में गोवंश से प्रतिदिन सौ से ड़ेढ सौ लीटर दूध उत्पादित हो रहा है। गोबर से निर्मित स्वदेशी दीयों के प्रकल्प की सराहना मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कार्यक्रम स्थल पर गोबर से स्वदेशी दीये बनाने के स्टॉल का अवलोकन किया। उन्होंने इस नवाचार की सराहना करते हुए कहा कि यह पर्यावरण संरक्षण और स्थानीय अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने की दिशा में सराहनीय कदम है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस प्रकल्प की सराहना की। उल्लेखनीय है कि गाय के गोबर से बने स्वदेशी दीयों को दीपावली पर्व पर इंदौरवासियों का व्यापक समर्थन मिला। इस पहल के अंतर्गत लगभग दो लाख दीयों का विक्रय किया गया, जिससे स्थानीय स्वावलंबन को प्रोत्साहन मिला है। इस अवसर पर नगरीय प्रशासन एवं आवास मंत्री श्री कैलाश विजयवर्गीय, जल संसाधन मंत्री श्री तुलसीराम सिलावट, महापौर श्री पुष्यमित्र भार्गव, सांसद श्री शंकर लालवानी और सुश्री कविता पाटीदार, विधायक श्री मधु वर्मा, श्री रमेश मेंदोला, श्री गोलू शुक्ला, अनुसूचित जाति वित्त विकास निगम के अध्यक्ष श्री सावन सोनकर, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती रीना सतीश मालवीय, श्री चिंटू वर्मा, श्री श्रवण चावड़ा, श्री सुमित मिश्र, स्वामी अच्युतानंद जी महाराज आदि मौजूद थे।  

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मल्हारगंज में हुई घटना पर जताई संवेदना, परिजन को दिलाया न्याय का भरोसा

किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से बुधवार को इंदौर एयरपोर्ट पर मल्हारगंज थाना क्षेत्र में हाल ही में हुई घटना के मृतक अंकित राठौर के परिजनों ने मुलाकात की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने घटना पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए शोक संतप्त परिवार को ढांढस बंधाया और न्याय दिलाने का भरोसा दिया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि मामले की विस्तृत जांच कर दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मृतक की पत्नी श्रीमती खुशबू राठौर को दो लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा भी की।  

मुख्यमंत्री डॉ. यादव से केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण राज्यमंत्री डॉ. मुरुगन ने की सौजन्य भेंट

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण तथा संसदीय कार्य राज्यमंत्री डॉ. एल. मुरुगन ने बुधवार को मुख्यमंत्री निवास स्थित समत्व भवन में सौजन्य भेंट की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पुष्प-गुच्छ भेंट कर केंद्रीय मंत्री श्री मुरुगन का स्वागत किया। केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ. मुरुगन ने पुष्प-गुच्छ, तिरूपति बालाजी मंदिर का प्रसाद देकर और शॉल ओढ़ाकर मुख्यमंत्री डॉ. यादव का अभिनन्दन किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव और केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ मुरुगन ने मध्यप्रदेश के विकास से जुड़े विभिन्न विषयों पर चर्चा की।  

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा- श्रीकृष्ण और सुभद्रा के स्नेह में झलकता है भाई-बहन के प्यार का अटूट बंधन

प्रेम, सुरक्षा और विश्वास का पर्व है भाईदूज प्रदेश की लाड़ली बहने होंगी शामिल भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि भगवान श्रीकृष्ण और सुभद्रा का रिश्ता भाई-बहन के प्रेम और संरक्षण की सबसे सुंदर मिसाल है। जिस प्रकार श्रीकृष्ण ने हर परिस्थिति में बहन सुभद्रा की सुरक्षा और सम्मान का ध्यान रखा, उसी भावना से हमारी सरकार भी प्रदेश की हर लाड़ली बहन के सुख, सुरक्षा और आत्मनिर्भरता की साथी है। श्रीकृष्ण और सुभद्रा का संबंध इस बात की याद दिलाता है कि भाई का स्नेह केवल वचन निभाना ही नहीं, कर्म से निभाई जाने वाली जिम्मेदारी भी है। हमारी सरकार इसी दृष्टि से सांस्कृतिक परंपरा को निभाते हुए आगे बढ़ रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हमारे लिये बहनों की खुशी, उनकी सुरक्षा और आत्मविश्वास सर्वोपरि है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गुरूवार को भाईदूज के अवसर पर मुख्यमंत्री निवास में आयोजित होने वाले भाईदूज कार्यक्रम में सम्मलित होने वाली लाड़ली बहनों को यह संदेश दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि भाईदूज का पर्व भारतीय संस्कृति में प्रेम, स्नेह और जिम्मेदारी का प्रतीक है। यह केवल एक त्यौहार नहीं बल्कि उस रिश्ते का उत्सव है, जिसमें भाई अपनी बहन के सुख-दुख, सुरक्षा और सम्मान का वचन निभाता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि बहनों की मुस्कान ही समाज की समृद्धि का आधार है और हर भाई का यह कर्तव्य है कि वह अपने आचरण और कर्म से इस भावना को मजबूत बनाए। शासन में संवेदना, त्यौहारों में अपनापन मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यह परंपरा बनाई है कि प्रदेश का हर पर्व जनता के जीवन में नई उमंग और नई आशा लेकर आए। दीपावली, रक्षाबंधन, गोवर्धन पूजा और अब भाईदूज जैसे पर्व शासन के मानवीय स्वरूप का प्रतीक बन चुके हैं। लाड़ली बहनें : सशक्त समाज की आधारशिला मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश की लाड़ली बहनें केवल योजनाओं की लाभार्थी नहीं, बल्कि परिवार और समाज की आत्मा हैं। लाड़ली बहना योजना ने बहनों को आत्मनिर्भर, जागरूक और सामाजिक रूप से सशक्त बनाया है। अब तक इस योजना के अंतर्गत 44,917.92 करोड़ रूपये की राशि सीधे बहनों के खातों में पहुंचाई जा चुकी है, जो प्रदेश की एक करोड़ 27 लाख लाड़ली बहनों के प्रति स्नेह और सम्मान का जीवंत उदाहरण है। मुख्यमंत्री निवास पर आने वाली लाड़ली बहनों का मुख्यमंत्री डॉ. यादव द्वारा पुष्पवर्षा कर स्वागत किया जाएगा। कार्यक्रम में महिला एवं बाल विकास मंत्री सुश्री निर्मला भूरिया, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्रीमती कृष्णा गौर और विधायक एवं प्रदेश अध्यक्ष श्री हेमंत खण्डेलवाल भी उपस्थित रहेंगे।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने 1 नवंबर मध्यप्रदेश स्थापना दिवस समारोह के संबंध में दिए निर्देश

आत्मनिर्भर भारत और आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश के लिए हुए प्रयासों को प्रमुखता से करें प्रदर्शित राजधानी के साथ संभाग और जिला स्तर पर भी हों भव्य कार्यक्रम   भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि 1 नवंबर मध्यप्रदेश स्थापना दिवस उद्योग एवं रोजगार वर्ष की थीम पर मनाया जाए। आत्मनिर्भर भारत और आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश को लेकर हुए नवाचारों और विशेष गतिविधियों का प्रभावी रूप से प्रस्तुतीकरण किया जाए। 'रोजगार के मंदिर हैं उद्योग' की थीम के साथ कौशल उन्नयन, तकनीकी शिक्षा, उद्यमशीलता के विकास सहित युवाओं को रोजगार और आत्मनिर्भरता से जोड़ने वाली सभी गतिविधियों का स्थापना दिवस संबंधी कार्यक्रमों में प्रभावी और आकर्षक प्रस्तुतीकरण किया जाए।  साथ ही प्रदेश में धार्मिक, सांस्कृतिक और पर्यटन गतिविधियों से अर्थव्यवस्था में आई गतिशीलता पर भी प्रस्तुतीकरण हों। स्थापना दिवस पर बीते दो वर्षों में हुए नवाचारों को भी प्रदर्शित किया जाए। स्थापना दिवस को राज्य उत्सव के रूप में मनाया जाए। भोपाल में होने वाले राज्य स्तरीय कार्यक्रम के साथ सभी जिला और संभागीय मुख्यालयों पर भी भव्य कार्यक्रम आयोजित हों। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने 1 नवंबर मध्यप्रदेश स्थापना दिवस समारोह के संबंध में मंत्रालय में सोमवार को हुई बैठक में यह निर्देश दिए। प्रसिद्ध पार्श्व गायक श्री जुबिन नौटियाल एक नवम्बर को देंगे प्रस्तुति बैठक में बताया गया कि मध्यप्रदेश स्थापना दिवस 1 नवंबर को भोपाल में होने वाले राज्य स्तरीय कार्यक्रम में प्रसिद्ध पार्श्व गायक श्री जुबिन नौटियाल प्रस्तुति देंगे। लाल परेड ग्राउंड में होने वाले इस कार्यक्रम में श्रीकृष्ण के भक्ति पदों की प्रस्तुति के साथ ही विरासत से विकास की थीम पर ड्रोन-शो होगा। साथ ही आतिशबाजी भी होगी। मध्यप्रदेश स्थापना दिवस पर दो और तीन नवंबर को राज्य स्तरीय कार्यक्रम में लाल परेड ग्राउंड पर महानाट्य -सम्राट विक्रमादित्य की प्रस्तुति होगी। साथ ही दो एवं तीन नवम्बर को सुगम संगीत की प्रस्तुतियां भी होंगी। औद्योगिक विकास और अर्थव्यवस्था की उपलब्धियां भी होंगी प्रदर्शित मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि स्थापना दिवस समारोह की गतिविधियों में विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं और विकास कार्यों के हितग्राहियों को भी शामिल किया जाए। उनके सम्मेलन और रैलियां आयोजित हों। साथ ही जिलों में प्रमुख उद्योगपतियों और प्रदेश की अर्थव्यवस्था में योगदान देने वाले व्यक्तियों और समूहों की उपलब्धियों को भी शामिल किया जाए। प्रदेश के सभी अंचलों में समान रूप से गतिविधियां हों, हर जिला अपनी प्रगति और उपलब्धियों जिला स्तर पर प्रस्तुत करे। साथ ही स्व-सहायता समूह और आईटीआई, पॉलिटेक्निक सहित अन्य संस्थाओं द्वारा युवाओं, महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए किए गए प्रयासों, कृषक संगठनों द्वारा किसान कल्याण के लिए संचालित गतिविधियों के प्रदर्शन को भी समारोह का हिस्सा बनाया जाए। विभिन्न विषयों पर प्रदर्शनियों के साथ लगेगा देशज व्यंजनों का मेला बैठक में बताया गया कि स्थापना दिवस पर जननायकों के जीवन और अवदान पर भोपाल और जिला मुख्यालयों पर प्रदर्शनी आयोजित की जाएगी। इसके साथ 'एक जिला-एक उत्पाद', सम्राट विक्रमादित्य और अयोध्या, सम्राट विक्रमादित्य के सील और सिक्के, मंदिर स्थापत्य तथा भारतीय ऋषि परम्परा पर प्रदर्शनियों को आयोजन किया जाएगा। इसी क्रम में एक से 3 नवम्बर तक वन मेला, ड्रोन टैक वर्कशॉप और एक्सपो, मध्यप्रदेश की पारंपरिक कला प्रदर्शनी, प्रदेश में विरासत से विकास, प्रदेश की बावड़ियों, भोज और भोपाल आदि विषय पर प्रदर्शनी और देशज व्यंजनों का मेला भी आयोजित किया जाएगा। बैठक में मुख्य सचिव श्री अनुराग जैन, अपर मुख्य सचिव श्री संजय दुबे, श्री नीरज मंडलोई, श्री संजय शुक्ला, श्री शिवशेखर शुक्ला, प्रमुख सचिव श्री राघवेंद्र सिंह और मुख्यमंत्री के संस्कृति सलाहकार श्री श्रीराम तिवारी उपस्थित थे।  

मध्यप्रदेश का अन्नदाता अब बन रहा है ऊर्जादाता: मुख्यमंत्री डॉ यादव

किसान हमारी अर्थव्यवस्था की हैं रीढ़: मुख्यमंत्री डॉ यादव मध्यप्रदेश का अन्नदाता अब बन रहा है ऊर्जादाता किसानों का कल्याण सर्वोपरि, किसान हित में करेंगे सभी प्रयास सूखे खेत को पानी मिल जाये तो फसल हो जाती है सोना हम हर खेत तक पहुंचायेंगे पानी किसानों की खुशहाली ही हमारे विकास का है मुख्य आधार मुख्यमंत्री ने सोलर पंप स्थापना के लिये की किसानों को 90 प्रतिशत सब्सिडी देने की घोषणा विद्युत पंप से एक स्टेप अधिक पॉवर केपिसिटी का दिया जायेगा सोलर पंप सोयाबीन पर भावांतर भुगतान के उपलक्ष्य में मुख्यमंत्री निवास में हुआ किसान आभार सम्मेलन भोपाल और नर्मदापुरम संभाग के 3 हजार से अधिक किसान हुए शामिल भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि हमारे किसान भाई ही मध्यप्रदेश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं। किसानों का हित हमारे लिए सर्वोपरि है। सरकार का हर निर्णय किसानों के कल्याण को ध्यान में रखकर लिया जा रहा है। किसानो की भलाई के लिए हमारी सरकार हर जरूरी कदम उठायेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार हर संभव तरीके से किसानों की आय बढ़ाकर उनकी माली हालत मजबूत करने के लिए प्रयासरत है। भावांतर योजना किसानों को खुले बाजार में फसलों की कीमतों के उतार-चढ़ाव से सुरक्षा देती है। यह योजना किसान हित में सरकार की एक बड़ी पहल है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव शनिवार को मुख्यमंत्री निवास परिसर में 'सोयाबीन पर भावांतर भुगतान के उपलक्ष्य में' आयोजित किसान आभार सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सूखे खेत को अगर पानी दे दिया जाये, तो फसल सोना हो जाती है, हम प्रदेश के हर खेत तक पानी पहुंचायेंगे। मध्यप्रदेश के अन्नदाता अब ऊर्जादाता बन रहे हैं। किसान भाई अपने खेतों में सोलर पंप जरूर लगाएं। सोलर पंप लगाने से बिजली के अस्थाई कनेक्शन के खर्च से मुक्ति मिलेगी। मुख्यमंत्री ने किसानों के हित में एक बड़ी घोषणा करते हुए कहा कि सोलर पॉवर पंप स्थापना के लिये किसानों को अब 90 प्रतिशत सब्सिडी दी जाएगी। पहले 40 प्रतिशत सब्सिडी दी जाती थी। मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों को विद्युत पंप से एक स्टेप अधिक पॉवर केपिसिटी का सोलर पॉवर पंप दिया जायेगा अर्थात् 3 HP वाले किसान को 5 HP का सोलर पॉवर पंप और 5 HP वाले किसान को 7.5 HP का सोलर पॉवर पंप दिया जायेगा। मुख्यमंत्री ने किसान आभार सम्मेलन में पारम्परिक वेशभूषा में सांस्कृतिक प्रस्तुति देने वाले सभी कलाकारों को 5-5 हजार रूपए देने की घोषणा भी की। इससे पहले मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीप प्रज्ज्वलन तथा भगवान हलधर बलराम एवं भारत माता के चित्र पर माल्यार्पण कर सम्मेलन की विधिवत् शुरूआत की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि किसान भाइयों की मेहनत से ही प्रदेश की जीडीपी में कृषि 39 प्रतिशत से अधिक का योगदान देती है। किसान भाई सच्चे अर्थों में मध्यप्रदेश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं। उन्होंने कहा कि खाद्यान्न, दलहन, तिलहन, फलों और सब्जियों के उत्पादन की दृष्टि से मध्यप्रदेश देश में अग्रणी है। प्लांट बेस्ड प्रोटीन के उत्पादन के मामले में भी हम कम नहीं हैं। संतरा, मसाले, लहसुन, अदरक और धनिया उत्पादन में मध्यप्रदेश नंबर वन है। मटर, प्याज, मिर्च, अमरूद उत्पादन में दूसरे तथा फूल, औषधीय एवं सुंगधित पौधों के मामले में तीसरे स्थान पर मध्यप्रदेश है। उन्होंने कहा कि आज मध्यप्रदेश सोयाबीन स्टेट, मिलेट्स स्टेट, मसाला स्टेट, लहसुन स्टेट और संतरा स्टेट के रूप में प्रसिद्ध होकर देश का फूड बास्केट कहलाने लगा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि खेती-किसानी के लिए जल अमृततुल्य होता है। इसीलिए जल-संरक्षण के हर जरूरी उपाय कर जल अवश्य बचायें। हमारी सरकार ने प्रदेश के सभी अंचलों में सिंचाई की सुविधा उपलब्ध कराने के लिए 3 बड़ी नदी जोड़ो परियोजनाओं पर काम प्रारंभ किया है। राजस्थान के साथ पार्वती-काली सिंध-चंबल (पीकेसी) नदी जोड़ो से बुंदेलखंड और चंबल, उत्तरप्रदेश के साथ केन-बेतवा से बुंदेलखंड और महाराष्ट्र के साथ ताप्ती मेगा रिचार्ज परियोजना से हम प्रदेश के सभी अंचलों में सिंचाई की स्थाई सुविधा उपलब्ध कराने की ओर बढ़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि किसान धरती माता के वास्तविक पुत्र हैं। मध्यप्रदेश नदियों का मायका है। प्रदेश में 250 से अधिक नदियां निकलती हैं। मां नर्मदा प्रदेश के किसानों के लिए वरदान है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार किसानों को अनुदान पर सोलर पंप प्रदान कर रही है। किसान को 90 प्रतिशत अनुदान पर सोलर पंप दे रहे हैं। किसानों को 32 लाख सोलर पंप दिए जा रहे हैं। किसान 5 हॉर्स पावर तक के सोलर पंप लगाएं। बिजली का खर्च बढ़ाएं और अतिरिक्त बिजली सरकार को बेचें। हमारी सरकार आने पर प्रदेश में अब 52 लाख हेक्टेयर रकबा सिंचित हुआ है। नदी जोड़ो योजना के माध्यम से किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त जल उपलब्ध करा रहे हैं। किसानों की फसल को पानी मिल जाए, फसल सोने की हो जाती है। राज्य सरकार ने सिंचाई का रकबा 100 लाख हेक्टेयर तक करने का लक्ष्य रखा है। किसानों को उनकी फसल का समुचित दाम मिले, इसके लिए फूड प्रोसेसिंग यूनिट्स भी स्थापित की जा रही हैं, जिससे अधिक उत्पादन होने पर किसान भाइयों को फसल फेकनी न पड़े। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पहले फसल का सीजन निकल जाने पर मुआवजे की राशि भेजी जाती थी। लेकिन अब राज्य सरकार ने सोयाबीन की फसल काटने से पहले ही राशि बांटना शुरू कर दिया है। किसानों की परेशानी किसान का बेटा ही समझ सकता है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में प्रदेश के किसानों के लिए भावांतर योजना का लाभ मिल रहा है। उन्होंने कहा कि किसान भाई पवित्र मन से दूसरों का पेट भरने के लिए अन्न उगाते हैं। पुरानी सरकारों ने मां नर्मदा के जल का उपयोग नहीं किया। आज वही नर्मदा सिंचाई, पेयजल और उद्योगों को पानी उपलब्ध कराती है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सभी गोपालक किसान धूमधाम से गोवर्धन पूजा का त्यौहार मनाएं। राज्य सरकार शासकीय स्तर पर गोवर्धन पूजा का त्यौहार मनाएगी। प्रदेश में प्रभु राम के ओरछा धाम को भव्य रूप दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि राम वन गमन पथ भी विकसित कर रहे हैं। भगवान कृष्ण से जुड़े हर स्थान को तीर्थ के रूप में विकसित कर रहे हैं। किसान भाई … Read more

18 अक्टूबर को मुख्यमंत्री डॉ. यादव करेंगे राजगढ़ एवं सीहोर जिलों के कार्यक्रमों में शिरकत

मुख्यमंत्री डॉ. यादव 18 अक्टूबर को राजगढ़ एवं सीहोर जिले के कार्यक्रमों में होंगे शामिल ब्यावरा में प्राकृतिक आपदा से प्रभावित किसानों के खातों में 277 करोड़ की राहत राशि का होगा अंतरण सीहोर के बिलकिसगंज में 118 करोड़ से अधिक की राशि होगी अंतरित भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 18 अक्टूबर को राजगढ़ एवं सीहोर जिले के कार्यक्रमों में शामिल होंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ब्यावरा में प्राकृतिक आपदा से प्रभावित किसानों को 277 करोड़ रूपये की राहत राशि का अंतरण करेंगे एवं 33 करोड़ रूपये की लागत की ब्यावरा में नगर जल प्रदाय योजना का भूमिपूजन करेंगे। मुख्यमंत्री 193 करोड़ रूपये लागत के 41 विकास कार्यों का भी भूमिपूजन एवं लोकार्पण करेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव सीहोर जिले के बिलकिसगंज में आयोजित होने वाले कार्यक्रम में जिले के 02 लाख से अधिक किसानों को फसल क्षति की 118 करोड़ रूपये से अधिक की राशि का सिंगल क्लिक के माध्यम किसानों के खाते में अंतरण करेंगे।