samacharsecretary.com

भारत की नई उड़ान: देसी सुखोई सुपरजेट एयरलाइन इंडस्ट्री में बढ़ाएगा रफ्तार

नई दिल्ली भारत ने विमानन क्षेत्र में एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए रूस के साथ बड़ी डील की है. सरकारी एयरोस्पेस कंपनी हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) ने  रूस की यूनाइटेड एयरक्राफ्ट कॉर्पोरेशन (UAC) के साथ एक महत्वपूर्ण समझौते (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं. इस समझौते के तहत HAL भारत में रूसी डिजाइन वाले पैसेंजर जेट ‘सुखोई सुपरजेट 100 (SJ-100)’ का निर्माण करेगी. यह समझौता भारत के लिए दशकों बाद पूरी तरह से नागरिक विमानों के निर्माण में उतरने की दिशा में पहला बड़ा कदम है. यह समझौता मॉस्को में हुआ, जिससे भारत को इस विमान को देश के अंदर ही असेंबल करने का अधिकार मिल गया है. यह कदम भारत के नागरिक उड्डयन इतिहास में एक बड़ा बदलाव माना जा रहा है, क्योंकि यह देश की नागरिक विमान निर्माण क्षमता को दोबारा जिंदा की दिशा में पहला बड़ा प्रयास है. SJ-100 एक ट्विन-इंजन रीजनल जेट है, जो छोटी दूरी की उड़ानों के लिए उपयुक्त है. यह पहले से ही दुनिया की एक दर्जन से अधिक एयरलाइनों में चलाई जा रही है और इसके 200 से अधिक यूनिट बनाए जा चुके हैं. विशेषज्ञों के अनुसार, यह पहल बोइंग और एयरबस जैसे अमेरिकी और यूरोपीय कंपनियों के दबदबे वाले बाज़ार में प्रतिस्पर्धा पैदा कर सकती है. इसके अलावा, इस विमान को भारत सरकार की उड़ान (UDAN) योजना के तहत देश के कम जुड़ाव वाले क्षेत्रों को बेहतर हवाई कनेक्टिविटी प्रदान करने के लिए उपयोग किए जाने की संभावना है. यह सौदा भारत की आखिरी बड़ी नागरिक विमान परियोजना, यानी HAL AVRO HS-748 (1961 से 1988 तक निर्मित) की याद भी ताज़ा करता है. तब से अब तक भारत अपने व्यावसायिक बेड़े के लिए विदेशी आयात पर ही निर्भर रहा है. वर्तमान में भारत में संचालित ज्यादातर विमान Boeing 737 और Airbus A320 परिवार के हैं, जो वैश्विक बाजार का लगभग 90% हिस्सा नियंत्रित करते हैं. विशेषज्ञों का मानना है कि HAL–UAC साझेदारी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ‘मेक इन इंडिया’ पहल के अनुरूप है, जिसका उद्देश्य घरेलू उत्पादन क्षमता को बढ़ाना और नए रोजगार पैदा करना है. अनुमान है कि अगले एक दशक में भारत को 200 से अधिक रीजनल जेट विमानों की आवश्यकता होगी.  

समुद्री शक्ति पर मोदी का फोकस: 29 अक्टूबर को मुंबई में ‘इंडिया मैरीटाइम वीक 2025’ में देंगे संबोधन

मुंबई प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार को मुंबई के नेस्को प्रदर्शनी केंद्र में इंडिया मैरीटाइम वीक-2025 (आईएमडब्ल्यू 2025) के मैरीटाइम लीडर्स कॉन्क्लेव को संबोधित करेंगे और ग्लोबल मैरीटाइम सीईओ फोरम की अध्यक्षता करेंगे। यह आयोजन भारत को वैश्विक समुद्री केंद्र और ब्लू इकोनॉमी में अग्रणी बनाने की रणनीति को प्रदर्शित करेगा। 27 से 31 अक्टूबर तक चलने वाले इस आयोजन का विषय 'महासागरों का एकीकरण, एक समुद्री दृष्टिकोण' है, जो भारत के मैरीटाइम अमृत काल विजन 2047 को साकार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।  आईएमडब्ल्यू 2025 में 85 से अधिक देशों के 1,00,000 से ज्यादा प्रतिनिधि, 500 से अधिक प्रदर्शक और 350 से अधिक अंतर्राष्ट्रीय वक्ता हिस्सा लेंगे। ग्लोबल मैरीटाइम सीईओ फोरम में वैश्विक समुद्री कंपनियों के सीईओ, निवेशक, नीति-निर्माता और नवप्रवर्तक एक मंच पर जुटेंगे। यह फोरम सतत समुद्री विकास, हरित नौवहन, लचीली आपूर्ति श्रृंखलाओं और समावेशी ब्लू इकोनॉमी पर केंद्रित रहेगा। प्रधानमंत्री की उपस्थिति इस आयोजन को वैश्विक स्तर पर और मजबूती प्रदान करेगी, जो भारत को विश्व की अग्रणी समुद्री शक्तियों में स्थापित करने के लिए सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। मैरीटाइम अमृत काल विजन 2047 चार रणनीतिक स्तंभों पर आधारित है: बंदरगाह-आधारित विकास, नौवहन और जहाज निर्माण, निर्बाध रसद और समुद्री कौशल निर्माण। यह विजन भारत को 2047 तक वैश्विक समुद्री व्यापार का केंद्र बनाने का लक्ष्य रखता है। आईएमडब्ल्यू 2025 इस दृष्टिकोण को लागू करने का प्रमुख मंच है, जो नौवहन, बंदरगाहों, जहाज निर्माण, क्रूज पर्यटन और ब्लू इकोनॉमी के वित्तपोषण से जुड़े हितधारकों को जोड़ता है। आयोजन में भारत की समुद्री क्षमताओं, जैसे विश्वस्तरीय बंदरगाह, पर्यावरण-अनुकूल जहाज निर्माण और डिजिटल रसद समाधानों को प्रदर्शित किया जाएगा। प्रधानमंत्री का यह दौरा भारत की समुद्री नीति को वैश्विक मंच पर रेखांकित करेगा। हाल ही में मुंबई में 55,969 करोड़ रुपए के 15 समझौता एएमयू पर हस्ताक्षर हुए, जिनमें अदाणी पोर्ट्स, जेएसडब्ल्यू इन्फ्रास्ट्रक्चर और गोवा शिपयार्ड जैसी कंपनियां शामिल थीं। ये समझौते बंदरगाह विकास, जहाज निर्माण और हरित नौवहन में निवेश को बढ़ावा देंगे।

दो वर्ष में अर्जित विशेष उपलब्धियां दिखेंगी विकास प्रदर्शनी में: मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव

राजधानी भोपाल सहित जिलों में भी होंगे कार्यक्रम भोपाल मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने मंगलवार को मंत्रालय में मंत्रिपरिषद की बैठक प्रारंभ होने के पहले मंत्रीगण को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश के स्थापना दिवस पर राजधानी और जिलों में विशेष कार्यक्रम होंगे। प्रदेश में गत 2 वर्ष में अर्जित महत्वपूर्ण उपलब्धियों की जानकारी विकास प्रदर्शनी के माध्यम से दी जाएगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि लाल परेड ग्राउंड और रवीन्द्र भवन परिसर इन कार्यक्रमों के केंद्र होंगे। एक नवंबर को रवीन्द्र भवन में जहां 2 वर्ष में निवेश संवर्धन सहित अन्य महत्वपूर्ण उपलब्धियां प्रदर्शनी के माध्यम से प्रदर्शित की जाएंगी वहां ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट में प्राप्त निवेश से अर्जित उपलब्धियों की जानकारी भी प्रदर्शित की जाएगी। इस अवसर पर डिजिटल सेवाओं, मध्यप्रदेश ई-सेवा और इन्वेस्ट एमपी 3.0 पोर्टल का लोकार्पण होगा। उद्योग एवं रोजगार वर्ष 2025 के तहत हुए कार्यों का प्रस्तुतिकरण किया जाएगा। वर्ष 2026 के लिए आगामी वर्ष की थीम की घोषणा भी की जाएगी। समृद्ध मध्यप्रदेश@ 2047 दृष्टि पत्र का विमोचन भी होगा। यह दृष्टिपत्र सुखद मध्यप्रदेश, संपन्न मध्यप्रदेश और सांस्कृतिक मध्यप्रदेश की परिकल्पना पर आधारित है। लाल परेड मैदान भोपाल में महानाट्य सम्राट विक्रमादित्य का मंथन एवं प्रसिद्ध पार्श्वगायक श्री जुवैन नोटियाल का गायन होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि यह दृष्टि पत्र मिशन "ज्ञान" अर्थात गरीब, युवा ,अन्नदाता और नारी सहित प्रदेश के सर्वांगीण विकास पर केन्द्रित है। अंगदान से मिल रहा लोगों को नया जीवन, देहदान करने वालों को गार्ड ऑफ ऑनर मुख्यमंत्री डॉ यादव ने जानकारी दी कि मध्यप्रदेश में अंगदान और देहदान की भावना विकसित हो रही है। हाल ही में भोपाल के एक ऑटो चालक श्री गणेश की दो किडनियां और दिल तीन लोगों को प्रत्यारोपित किया गया। साथ ही उनके कार्निया से भी दो लोगों को रोशनी मिलेगी। ऑटो ड्राइवर के परिवार का यह योगदान सराहनीय है। इस भावना को प्रोत्साहित करने के लिए अंगदान करने वाले व्यक्तियों के अंतिम संस्कार में गार्ड ऑफ ऑनर दिया जा रहा है। हाल ही में उज्जैन के श्री किशन सिंह भाटिया के परिवार और अन्य कई परिवारों द्वारा देहदान की पहल की गई है जो समाज के लिए प्रेरक है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मंत्रीगण से आग्रह किया कि अपने प्रभार के जिलों में देहदान की भावना के प्रचार प्रसार में सहयोग करें ताकि अपने किसी परिजन की मृत्यु के बाद दिवंगत व्यक्ति के अंग अन्य जरूरतमंद लोगों को प्रत्यारोपित करने की प्रेरणा मिलेगी। जीवनकाल में ही अंगदान या देहदान के संकल्प को सार्वजनिक कर ऐसे दान के माध्यम से व्यक्ति जीवन के बाद भी परिवार सहित समाज में याद रखा जाता है। भगवान बिरसा मुंडा जयंती पर मनाएंगे जनजातीय गौरव दिवस मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जानकारी दी कि आगामी 15 नवंबर को जनजातीय गौरव दिवस भव्य रूप से मनाया जाएगा। धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा की 150 वीं जयंती के समापन पर प्रदेश में एक से 15 नवंबर तक राजधानी से ग्राम पंचायत तक विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन होगा। स्वतंत्रता के संघर्ष में भगवान बिरसा मुंडा के योगदान पर शिक्षण संस्थानों में विभिन्न गतिविधियों का आयोजन भी किया जाएगा। 

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का ऐलान: 2050 तक भारत होगा सौर ऊर्जा सुपरपावर, इनोवेशन बनेगा आधार

नई दिल्ली  राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने मंगलवार को कहा कि 2050 तक भारत न केवल अपने क्लीन एनर्जी टारगेट्स को पूरा करना चाहता है, बल्कि एक ऐसा हब भी बनना चाहता है जो ग्लोबल सोलर मांग को एकीकृत करे और इनोवेशन, मैन्युफैक्चरिंग और नॉलेज के आदान-प्रदान को बढ़ावा दे। राष्ट्रीय राजाधानी में भारत मंडपम में इंटरनेशनल सोलर एलायंस (आईएसए) की असेंबली के आठवें सत्र को संबोधित करते हुए, राष्ट्रपति मुर्मू ने कहा कि भारत एक ग्लोबल सोलर एनर्जी हब बनने की राह पर है। उन्होंने समय से पहले रिन्यूएबल एनर्जी टारगेट्स को प्राप्त करने में देश की प्रगति पर प्रकाश डाला और ग्लोबल सोलर डिमांड को एकीकृत करने और क्लीन एनर्जी इनोवेशन को बढ़ावा देने के लिए एक दृष्टिकोण की रूपरेखा प्रस्तुत की। राष्ट्रपति ने कहा कि आईएसए मानवता की साझा आकांक्षा का प्रतीक है, जिसमें समावेशिता, सम्मान और सामूहिक समृद्धि के स्रोत के रूप में सोलर एनर्जी का उपयोग करना शामिल है। राष्ट्रपति ने सभी सदस्य देशों से इन्फ्रास्ट्रक्चर से आगे सोचने और लोगों के जीवन पर ध्यान केंद्रित करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि इस असेंबली को एक सामूहिक कार्य योजना विकसित करनी चाहिए जो सोलर एनर्जी को रोजगार सृजन, महिला नेतृत्व, ग्रामीण आजीविका और डिजिटल समावेशन से जोड़े। राष्ट्रपति ने कहा, "हमारी प्रगति केवल मेगावाट से नहीं, बल्कि रोशन हुए जीवन, मजबूत हुए परिवारों और समुदायों में आए बदलाव से भी मापी जानी चाहिए। टेक्नोलॉजी डेवलपमेंट और अधिकतम लाभ के लिए नवीनतम और उन्नत तकनीकों को सभी के साथ साझा करने पर भी ध्यान केंद्रित किया जाना चाहिए।" राष्ट्रपति ने कहा कि जलवायु परिवर्तन पूरी दुनिया को प्रभावित कर रहा है। इस खतरे से निपटने के लिए तत्काल और ठोस कदम उठाए जाने की आवश्यकता है। भारत जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए प्रतिबद्ध है और दृढ़ संकल्पित कदम उठा रहा है। उन्होंने आगे कहा कि आईएसए सोलर एनर्जी को अपनाने और उपयोग को प्रोत्साहित करके इस वैश्विक चुनौती से निपटने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इस कार्यक्रम में बोलते हुए, उपभोक्ता मामले और नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्री, प्रल्हाद जोशी ने भारत की रिन्यूएनबल एनर्जी यात्रा के बारे में बताया। उन्होंने आगे कहा कि देश में रिन्यूएबल एनर्जी का उत्पादन बढ़कर 257 गीगावाट हो गया है, जो कि पहले 2014 में 81 गीगावाट था। केंद्रीय मंत्री ने संबोधन में कहा, "प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में, भारत ने 2030 के लक्ष्य से 5 साल पहले ही गैर-जीवाश्म स्रोतों से 50 प्रतिशत ऊर्जा क्षमता प्राप्त करने का लक्ष्य हासिल कर लिया है, जिससे स्वच्छ ऊर्जा सुलभ और सस्ती हो गई है।" जोशी ने आगे कहा कि पीएम-कुसुम, पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना, पीएम-जनमन और 'एक सूर्य, एक विश्व, एक ग्रिड' जैसी परिवर्तनकारी पहलों के माध्यम से, भारत ऊर्जा न्याय सुनिश्चित करने, सबसे गरीब लोगों को सशक्त बनाने और दक्षिण-दक्षिण सहयोग को मजबूत करने के प्रयासों का नेतृत्व कर रहा है।

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा- सरकार की सफलता कर्मचारियों के सहयोग के बिना संभव नहीं

प्रदेश के सच्चे कर्मयोगी हैं कर्मचारी कर्मचारियों के कल्याण के लिए राज्य सरकार सदैव तत्पर वेतन विसंगति, ग्रेड पे और पदनाम परिवर्तन के लिए नया आयोग बनाया जाएगा यूपीएससी की तर्ज पर एक परीक्षा कराई जाएगी मुख्यमंत्री डॉ. यादव का दीपावली मिलन समारोह में कर्मचारियों को संबोधन भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि सरकार की सफलता कर्मचारियों के सहयोग के बिना संभव नहीं है। प्रदेश के विकास में अधिकारियों-कर्मचारियों की भूमिका सर्वाधिक महत्वपूर्ण है। शासकीय कर्मचारियों के चेहरे की खुशी ही हमारे विकास का आधार है। कर्मचारी प्रदेश के सच्चे कर्मयोगी हैं जो प्रत्येक जनकल्याणकारी योजना को जमीन पर उतारने में अहम भूमिका निभाते हैं। राज्य सरकार कर्मचारियों के हितों के लिए हर कदम पर साथ खड़ी है। कर्मचारियों के कल्याण के कार्यों के लिए राज्य सरकार सदैव तत्पर है। राज्य शासन ने 1 जनवरी 2005 को या उसके बाद नियुक्त कर्मचारियों के लिए एकीकृत पेंशन योजना लागू करने के लिए समिति गठित करने का निर्णय लिया है, इससे पेंशन की विसंगतियों को दूर करने में मदद मिलेगी। राज्य सरकार सभी वर्गों का समान रूप से ध्यान रख रही है। विभिन्न कर्मचारी संवर्गों की वेतन विसंगति, ग्रेड पे, पदनाम परिवर्तन के लिए सेवानिवृत्त वरिष्ठ अधिकारियों को सम्मलित कर नया आयोग बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि जन सामान्य के कार्यो का त्वरित रूप से निराकरण और अपने कर्त्तव्यों के प्रति प्रतिबद्धता, शासकीय अधिकारियों, कर्मचारियों का दायित्व है। शासन-प्रशासन परस्पर सहयोग से प्रदेश को तेज गति से सभी क्षेत्रों में आगे बढ़ाने के लिए सक्रिय है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव राज्य कर्मचारी संघ द्वारा मंत्रालय स्थित सरदार वल्लभ भाई पटेल पार्क में आयोजित दीपावली मिलन समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने दीपावली मिलन समारोह के अयोजन पर प्रसन्न्ता व्यक्त की। नई भर्ती आरंभ कर 2 लाख नए पद सृजित किए जाएंगे मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि कर्मचारियों के हितों का ध्यान रखते हुए राज्य सरकार ने 9 साल से लंबित हाउस रेंट अलाउंस का निराकरण कराया है। सरकार की मंशा है कि सभी पात्र अधिकारी-कर्मचारियों के प्रमोशन हों लेकिन प्रकरण अभी कोर्ट में लंबित है। हमें विश्वास है कि प्रदेश के लगभग 4 लाख अधिकारी-कर्मचारियों को जल्द ही पदोन्नति का लाभ मिलेगा। साथ ही नई भर्ती आरंभ कर 2 लाख नए पद भी सृजित किए जाएंगे। यूपीएससी की तर्ज पर एक परीक्षा कराई जाएगी, जिससे अलग-अलग पदों को भरने के लिए कई परीक्षाएं न कराना पड़े। पुलिस भर्ती में तेजी लाने के लिए पुलिस भर्ती बोर्ड बनाया जा रहा है। पुलिस विभाग में 20 हजार पद भरे जाएंगे। भर्ती प्रक्रिया शुरू की जा चुकी है। आंगनबाड़ी पर्यवेक्षकों के 476 नए पद स्वीकृत किए गए हैं। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिकाओं के 19,504 नए पदों पर पहली बार डिजिटल पद्धति से भर्ती की प्रक्रिया शुरू की जा रही हैं। कर्मचारियों के हित में  जल्द ही  निर्णय लेगी राज्य सरकार मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार ने केंद्रीय कर्मचारियों के समान राज्य कर्मचारियों को भी 55 प्रतिशत महंगाई भत्ते का लाभ दिया है और एरियर का भुगतान भी 5 समान किस्तों में जून से अक्टूबर 2025 तक कर्मचारियों को किया जा चुका है। जल्द ही राज्य सरकार के दो साल पूरे होने जा रहे हैं कर्मचारियों के हित में हर संभव निर्णय लिए जाएंगे। अब तक कर्मचारियों को स्मार्ट सिटी परियोजना के 366 आवास आवंटित किए जा चुके हैं। नए 300 से अधिक आवास भी बनकर तैयार हैं जल्द ही इन्हें सिंगल क्लिक के माध्यम से अधिकारियों-कर्मचारियों को आवंटित किया जाएगा। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाओं को भी जीवन ज्योति बीमा और प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना का लाभ देने की स्वीकृति दी गई है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने छठ पर्व की बधाई और मंगलकामनाएं भी दीं।     कार्यक्रम में विधायक श्री भगवानदास सबनानी, भारतीय मजदूर संघ के प्रदेश अध्यक्ष श्री संजय सिंह, मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष श्री हेमंत श्रीवास्तव,प्रदेश महामंत्री श्री जितेंद्र सिंह सहित विभिन्न कर्मचारियों के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।  

UP में IAS अफसरों की बड़ी अदला-बदली, कई जिलों के DM बदले — देखें पूरी लिस्ट

लखनऊ  यूपी में एक बार फिर तबादला एक्सप्रेस चली है। बड़े पैमाने पर आईएएस अफसरों के तबादले किए गए हैं। 46 अधिकारियों को इधर से उधर कर दिया गया है। कुछ अधिकारियों को अतिरिक्त जिम्मेदारी भी दी गई है। तीन मंडलायुक्त और दस जिलों के डीएम बदले गए हैं। मिर्जापुर (विंध्याचल) सहारनपुर और मेरठ के कमिश्नर बदल दिए गए हैं। हाथरस, सीतापुर, बस्ती, सिद्धार्थनगर, चित्रकूट, कौशांबी, बलरामपुर, ललितपुर, श्रावस्ती, रामपुर के जिलाधिकारियों को बदल दिया गया है। वाराणसी के तैनात चार आईएएस अफसरों की जिम्मेदारियों को बदला गया है। मुख्य विकास अधिकारी, विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष, नगर आयुक्त और एडीएम फाइनेंस को बदला गया है। 1. अभी तक विंध्याचल के मंडलायुक्त रहे श्री बाल कृष्ण त्रिपाठी को सामान्य प्रशासन विभाग, उत्तर प्रदेश शासन में सचिव बनाया गया है। 2. महानिदेशक मत्स्य राजेश प्रकाश अब विन्ध्याचल के मंडलायुक्त होंगे। 3. उ०प्र० राज्य मानवाधिकार आयोग की सचिव श्रीमती धनलक्ष्मी के० को महानिदेशक, मत्स्य, उत्तर प्रदेश बनाया गया है। 4. महानिदेशक, सार्वजनिक उद्यम, उत्तर प्रदेश संजय कुमार को वर्तमान पद के साथ सचिव, उत्तर प्रदेश राज्य मानवाधिकार आयोग के पद का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। 5.प्रबंध निदेशक, उ०प्र० राज्य विद्युत उत्पादन निगम तथा प्रबंध निदेशक, उ०प्र० पावर ट्रांसमिशन कारपोरेशन लिमिटेड डा० रूपेश कुमार को अब मंडलायुक्त, सहारनपुर बनाया गया है। 6. मंडलायुक्त, सहारनपुर अटल कुमार राय को सचिव, गृह विभाग, उत्तर प्रदेश शासन बनाया गया है। 7. सचिव, राजस्व विभाग, उ०प्र० शासन, राहत आयुक्त तथा चकबंदी आयुक्त भानु चन्द्र गोस्वामी अब मंडलायुक्त, मेरठ होंगे। 8. मंडलायुक्त, मेरठ डा० हृषिकेश भास्कर याशोद को सचिव, राजस्व विभाग, उत्तर प्रदेश शासन, राहत आयुक्त, उत्तर प्रदेश एवं चकबंदी आयुक्त, उत्तर प्रदेश की जिम्मेदारी दी गई है। 9. मुख्य कार्यपालक अधिकारी, उ०प्र० राज्य औद्योगिक विकास प्राधिकरण मयूर माहेश्वरी को प्रबंध निदेशक, उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उत्पादन निगम तथा प्रबंध निदेशक, उत्तर प्रदेश पावर ट्रांसमिशन कारपोरेशन लिमिटेड बनाया गया है। 10.सचिव, अवस्थापना एवं औद्योगिक विकास विभाग विजय किरन आनंद को वर्तमान पद के साथ मुख्य कार्यपालक अधिकारी, उत्तर प्रदेश राज्य औद्योगिक विकास प्राधिकरण, प्रभारी एनआरआई सेल एवं मुख्य कार्यपालक अधिकारी, लीडा के पद का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। 11.जिलाधिकारी, हाथरस राहुल पाण्डेय को विशेष सचिव, राज्य कर विभाग, उत्तर प्रदेश शासन बनाया गया है। 12. उपाध्यक्ष, गाजियाबाद विकास प्राधिकरण अतुल वत्स को जिलाधिकारी, हाथरस बनाया गया है। 13. जिलाधिकारी, ललितपुर अमनदीप डुली को अपर आयुक्त, मनरेगा, उत्तर प्रदेश बनाया गया है। 14. मुख्य विकास अधिकारी, वाराणसी हिमांशु नागपाल को नगर आयुक्त, वाराणसी बनाया गया है। 15. मुख्य विकास अधिकारी, अलीगढ एवं संभागीय खाद्य नियंत्रक, अलीगढ प्रखर कुमार सिंह को मुख्य विकास अधिकारी, वाराणसी बनाया गया है। 16.उपनिदेशक, मंडी परिषद, लखनऊ योगेन्द्र कुमार को मुख्य विकास अधिकारी, अलीगढ एवं संभागीय खाद्य नियंत्रक, अलीगढ बनाया गया है। 17. जिलाधिकारी, सीतापुर अभिषेक आनंद को विशेष सचिव, आबकारी विभाग, उत्तर प्रदेश शासन बनाया गया है। 18.जिलाधिकारी, सिद्धार्थ नगर राजागणपति आर० को जिलाधिकारी सीतापुर बनाया गया है। 19. विशेष सचिव, राज्य कर विभाग, उत्तर प्रदेश शासन श्रीमती कृत्तिका ज्योत्सना को जिलाधिकारी, बस्ती बनाया गया है। 20.जिलाधिकारी, बस्ती रवीश गुप्ता को प्रबंध निदेशक, पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम, मेरठ बनाया गया है। 21.प्रबंध निदेशक पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम, मेरठ श्रीमती ईशा दुहन को प्रबंध निदेशक, उत्तर प्रदेश सहकारी चीनी मिल्स संघ लिमिटेड बनाया गया है। 22.प्रबंध निदेशक, उ०प्र० सहकारी चीनी मिल्स संघ लिमिटेड कुमार विनीत को विशेष सचिव, युवा कल्याण एवं खेल विभाग, उत्तर प्रदेश शासन बनाया गया है। 23.जिलाधिकारी, चित्रकूट शिवशरणप्पा जीएन को जिलाधिकारी, सिद्धार्थ नगर बनाया गया है। 24.उपाध्यक्ष, वाराणसी विकास प्राधिकरण पुलकित गर्ग को जिलाधिकारी, चित्रकूट बनाया गया है। 25.मुख्य विकास अधिकारी, बिजनौर पूर्ण वोहरा को उपाध्यक्ष, वाराणसी विकास प्राधिकरण बनाया गया है। 26.अपर जिलाधिकारी (प्रशासन), गाजियाबाद रणविजय सिंह को मुख्य विकास अधिकारी, बिजनौर बनाया गया है। 27.नगर आयुक्त, वाराणसी अक्षत वर्मा को विशेष सचिव, नियोजन विभाग, उत्तर प्रदेश शासन बनाया गया है। 28.नगर आयुक्त, फिरोजाबाद एवं उपाध्यक्ष, फिरोजाबाद शिकोहाबाद विकास प्राधिकरण ऋषि राज को उपाध्यक्ष, प्रयागराज विकास प्राधिकरण बनाया गया है। 29.मुख्य विकास अधिकारी, कुशीनगर श्रीमती गुंजन द्विवेदी को नगर आयुक्त, फिरोजाबाद तथा उपाध्यक्ष, फिरोजाबाद-शिकोहाबाद विकास प्राधिकरण बनाया गया है। 30.अपर जिलाधिकारी (फाइनेंस), वाराणसी सुश्री वंदिता श्रीवास्तव को मुख्य विकास अधिकारी, कुशीनगर बनाया गया है। 31.जिलाधिकारी, कौशाम्बी मधुसूदन हुल्गी को विशेष सचिव, मा० मुख्यमंत्री, उत्तर प्रदेश शासन बनाया गया है। 32.उपाध्यक्ष, प्रयागराज विकास प्राधिकरण अमित पाल को जिलाधिकारी, कौशाम्बी बनाया गया है। 33.मुख्य विकास अधिकारी, रामपुर नन्द किशोर कलाल को उपाध्यक्ष, गाजियाबाद विकास प्राधिकरण बनाया गया है। 34.अपर जिलाधिकारी (वि/रा), अयोध्या महेन्द्र कुमार सिंह को मुख्य विकास अधिकारी, रामपुर बनाया गया है। 35.जिलाधिकारी, बलरामपुर पवन अग्रवाल को विशेष सचिव, गृह विभाग, उत्तर प्रदेश शासन बनाया गया है। 36.विशेष सचिव, मा० मुख्यमंत्री, उ०प्र० शासन विपिन कुमार जैन को जिलाधिकारी, बलरामपुर बनाया गया है। 37.विशेष कार्याधिकारी, कुम्भ मेला प्राधिकरण सुश्री आकांक्षा राणा को नगर आयुक्त, नगर निगम, झांसी बनाया गया है। 38.नगर आयुक्त, नगर निगम, झांसी सत्य प्रकाश को जिलाधिकारी, ललितपुर बनाया गया है। 39.विशेष सचिव, आबकारी विभाग देवेन्द्र कुमार सिंह कुशवाहा को विशेष सचिव, रेशम विभाग, उत्तर प्रदेश शासन बनाया गया है। 40.उपाध्यक्ष, अयोध्या विकास प्राधिकरण अश्विनी कुमार पाण्डेय को जिलाधिकारी, श्रावस्ती बनाया गया है। 41.जिलाधिकारी, श्रावस्ती अजय कुमार द्विवेदी को जिलाधिकारी, रामपुर बनाया गया है। 42.जिलाधिकारी, रामपुर जोगिंदर सिंह को विशेष सचिव, नमामि गंगे एवं ग्रामीण जलापूर्ति विभाग, उत्तर प्रदेश शासन बनाया गया है। 43.मुख्य विकास अधिकारी, महाराजगंज अनुराज जैन को उपाध्यक्ष, अयोध्या विकास प्राधिकरण बनाया गया है। 44. अपर जिलाधिकारी (प्रशासन), मुरादाबाद श्री गुलाब चन्द्र को मुख्य विकास अधिकारी, महाराजगंज बनाया गया है। 45.मुख्य विकास अधिकारी, अमेठी सूरज पटेल को मुख्य कार्यपालक अधिकारी, उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद बनाया गया है। 46.संयुक्त निदेशक, मंडी परिषद, लखनऊ सचिन कुमार सिंह को मुख्य विकास अधिकारी, अमेठी बनाया गया है।

RSS शाखाओं पर बैन के आदेश पर कर्नाटक हाईकोर्ट ने लगाई रोक, सरकार को फटकार

बेंगलुरु  राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के कार्यक्रमों पर रोक लगाने को लेकर कर्नाटक सरकार के आदेश पर अब हाई कोर्ट ने स्टे लगा दिया है। जस्टिस एम नागाप्रसन्ना की अध्यक्षता वाली बेंच ने राज्य सरकार और हुबली पुलिस कमिश्नर के आदेश पर अंतरिम रोक लगाते हुए कहा है कि उन्हें इसका संवैधानिक अधिकार कहां से मिल गया।18 अक्टूबर को राज्य सरकार ने कहा था कि बिन इजाजत के 10 से ज्यादा लोगों का इकट्ठा होना अपराध है। इसके अलावा पार्क, सड़कों और खेल के मैदान में ज्यादा लोगों के इकट्ठे होने पर कार्रवाई की जाएगी। संवैधानिक अधिकारों पर रोक नहीं लगा सकती सरकारः HC हाई कोर्ट ने कहा कि संविधान के आर्टिकल 19 (1)(A),19 (1) (B) के तहत दिए गए अधिकारों पर सरकार रोक नहीं लगा सकती है। कोर्ट ने कहा कि सभी को अभिव्यक्ति का अधिकार और शांतिपूर्ण ढंग से सभा करने का अधिकार दिया गया है और सरकार में उसमें देखल नहीं दे सकती। इस मामले में अभी आगे की सुनवाई होनी है। फिलहाल कोर्ट के इस आदेश से आरएसएस को अंतरिम राहत मिल गई है। बीजेपी सांसद तेजस्वी सूर्या ने कहा था कि आरएसएस के खिलाफ ये सारे कदम प्रियंक खरगे के इशारे पर उठाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा, आरएसएस अपनी गतिविधियां शांतिपूर्ण तरीके से करता है। वह जुलूसी भी शांति से निकालता है। वहीं कर्नाटक की कैबिनेट ने आरएसएस के कार्यक्रमों और शाखाओं पर रोक लगाने के लिए एक आदेश को मंजूरी दी थी। इसमें कहा गया था कि सरकारी जगहों पर बिना इजाजत इकट्ठा होना अपराध होगा और इसपर कार्रवाई की जाएगी। इससे पहले प्रियंक खरगे ने मुख्यमंत्री सिद्धारमैया को पत्र लिखकर कहा था कि राज्य में आरएसएस की गतिविधियों पर रोक लगाने की जरूरत है। बीजेपी ने कहा था कि कांग्रेस यह सब केवल राजनीतिक बदले की भावना की वजह से करना चाहती है। इसके बाद कांग्रेस ने जवाब देते हुए कहा था कि 2013 में बीजेपी सरकार ने भी इसी तरह का आदेश दिया था और कहा था कि स्कूल का परिसर और खेल के मैदान का इस्तेमाल केवल शैक्षिक कार्यक्रमों के लिए होगा।

Gold-Silver Rate Today: सोना ₹3200 और चांदी ₹3800 गिरी, निवेशकों में मची हलचल

मुंबई  सोना और चांदी की कीमतों में गिरावट का सिलसिला (Gold-Silver Price Crash) जारी है. सप्ताह के दूसरे कारोबारी दिन मंगलवार को मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर टेक्निकल इश्यू के चलते देर से कारोबार की शुरुआत हुई, लेकिन जब ट्रेडिंग खुली तो दोनों कीमती धातुएं भरभराकर टूट गईं. अचानक सोने की कीमत में 3200 रुपये से ज्यादा, जबकि चांदी का भाव 3800 रुपये से ज्यादा टूट गया. न सिर्फ एमसीएक्स पर, बल्कि घरेलू मार्केट में भी गोल्ड-सिल्वर प्राइस में गिरावट आई है.  MCX पर सोना-चांदी क्रैश  सबसे पहले बताते हैं एमसीएक्स पर सोना-चांदी की कीमतों में आई गिरावट के बारे में, तो 5 दिसंबर की एक्सपायरी वाले Gold का भाव 3232 रुपये टूटकर 1,17,789 रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ गया. बीते कारोबारी दिन सोने का वायदा भाव (Gold Rate) 1,20,957 रुपये पर बंद हुआ था.चांदी की कीमत के पर नजर डालें, तो ये खुलते ही 3825 रुपये प्रति किलोग्राम तक टूट गई. इस तगड़ी गिरावट के बाद Silver Price 1,39,306 रुपये पर आ गया.  घरेलू मार्केट में क्या है भाव?  जहां एक ओर एमसीएक्स पर गोल्ड-सिल्वर प्राइस क्रैश हो गए, तो वहीं दूसरी ओर घरेलू मार्केट में भी सोना-चांदी भरभराकर टूटे हैं. इंडियन बुलियन ज्वेलर्स एसोसिएशन की वेबसाइट IBJA.Com पर अपडेट किए गए रेट्स के मुताबिक, 10 ग्राम 24 कैरेट सोने का दाम गिरकर 1,19,164 रुपये रह गया, जो बीते कारोबारी दिन 1,21,077 रुपये पर बंद हुआ था. अलग-अलग क्वालिटी के गोल्ड रेट को देखें तो… क्वालिटी            गोल्ड रेट (प्रति 10 ग्राम) 24 कैरेट गोल्ड        1,19,164 रुपये/10 ग्राम 22 कैरेट गोल्ड        1,16,300 रुपये/10 ग्राम 20 कैरेट गोल्ड        1,06,060 रुपये/10 ग्राम 18 कैरेट गोल्ड        96,520 रुपये/10 ग्राम 14 कैरेट गोल्ड        76,860 रुपये/10 ग्राम   चांदी की कीमत भी घरेलू बाजार में टूटी है. बीते कारोबारी दिन सोमवार को सिल्वर 1,45,031 रुपये प्रति किलो पर बंद हुई थी, लेकिन मंगलवार को ये 1,43,400 रुपये पर ओपन हुई. गौरतलब है कि इंडियन बुलियन ज्वेलर्स एसोसिएशन की वेबसाइट पर अपलोड किए गए रेट देशभर में समान रहते हैं, लेकिन जब आप दुकान पर ज्वेलरी खरीदने के लिए जाते हैं, तो उस पर 3 फीसदी जीएसटी के साथ ही मेकिंग चार्ज भी देना होता है, जिसके बाद इनकी कीमत बढ़ जाती है.  हाई पर पहुंचकर फिसल रही कीमतें सोने की कीमतों में बीते कुछ दिनों से लगातार गिरावट जारी है.इसके पीछे बड़ा कारण डिमांड में कमी और अमेरिका-चीन की टैरिफ टेंशन (US-China Tariff Tension) में नरमी के संकेत बताए जा रहे हैं. ज्वेलरी खरीदते समय सोने की जांच कर लेना जरूरी है और इसका प्रोसेस बेहद आसान है. आप ज्वेलरी पर दर्ज हॉलमार्क के जरिए इसकी शुद्धता की पहचान कर सकते हैं. जैसे 24 कैरेट पर 999 अंकित होता है. 

महागठबंधन का बड़ा दांव: तेजस्‍वी यादव ने जारी किया घोषणापत्र, युवाओं और किसानों को लुभाने की कोशिश

पटना बिहार विधानसभा चुनाव से ठीक पहले महागठबंधन ने आज अपना साझा घोषणा पत्र जारी कर दिया। इसका नाम रखा गया है ‘बिहार का तेजस्वी प्रण’। इस घोषणा पत्र में युवाओं को रोजगार, महिलाओं को सम्मान और आम लोगों को राहत देने वाले कई वादे किए गए हैं। महागठबंधन ने दावा किया है कि यह घोषणा पत्र सिर्फ चुनावी वादों का पुलिंदा नहीं, बल्कि बिहार के पुनर्निर्माण की रूपरेखा है।  घोषणा पत्र जारी करने के मौके पर मंच पर राजद नेता तेजस्वी यादव, कांग्रेस के पवन खेड़ा, वीआइपी सुप्रीमो मुकेश सहनी, वाम दलों के प्रतिनिधि और अन्य सहयोगी दलों के नेता मौजूद थे। तेजस्वी यादव ने कहा यह सिर्फ हमारा घोषणापत्र नहीं, यह बिहार की जनता का प्रण है। हम इस राज्य को बेरोजगारी, पलायन और भ्रष्टाचार से मुक्त करेंगे। पवन खेड़ा ने कहा कि घोषणापत्र से स्‍पष्‍ट है कि कौन बिहार के लिए गंभीर है। कौन दिन-रात सोच रहा है। सरकार बनने के पहले दिन से क्‍या-क्‍या करना है। 20 वर्षों में जो बिहार पीछे चला गया है। उन्‍होंने कहा कि मैनिफेस्‍टो कमेटी भी बधाई की पात्र है। उन्‍होंने कहा कि इस मैनिफेस्‍टो को पावन दिन में जारी किया गया है। मैनिफेस्‍टो में वक्‍फ कानून पर रोक लगाने की बात कही गई है। गरीबों को पांच सौ रुपये में गैस सिलेंडर दिया जाएगा। शराबबंदी कानून की समीक्षा भी की जाएगी। कहा गया है कि सरकार बनने के 20 दिनों के अंदर हर परिवार के एक सदस्‍य को सरकारी नौकरी देने का अधिनियम लाया जाएगा। 20 महीने के अंदर नौकरी देने की प्र‍क्रि‍या शुरू कर दी जाएगी। सभी जी‍विका दी‍दियों को स्‍थायी कर सरकारी कर्मचारी का दर्जा दिया जाएगा। आइटी पार्क, स्‍पेशल इकोनो‍मिक जोन, डेयरी एवं कृष‍ि आधा‍र‍ित उद्याेग, स्‍वास्‍थ्‍य सेवा ,फूड प्राेसे‍सिंग आदि की नीत‍ि बनाई जाएगी। पुरानी पेंशन योजना लागू की जाएगी। मनरेगा की मजदूरी प्रत‍िद‍िन 255 की जगह तीन सौ रुपये किया जाएगा।    

मुख्यमंत्री डॉ. यादव: कर्मचारियों के सहयोग के बिना सरकार की सफलता अधूरी

सरकार की सफलता कर्मचारियों के सहयोग के बिना संभव नहीं : मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रदेश के सच्चे कर्मयोगी हैं कर्मचारी कर्मचारियों के कल्याण के लिए राज्य सरकार सदैव तत्पर वेतन विसंगति, ग्रेड पे और पदनाम परिवर्तन के लिए नया आयोग बनाया जाएगा यूपीएससी की तर्ज पर एक परीक्षा कराई जाएगी मुख्यमंत्री डॉ. यादव का दीपावली मिलन समारोह में कर्मचारियों को संबोधन भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि सरकार की सफलता कर्मचारियों के सहयोग के बिना संभव नहीं है। प्रदेश के विकास में अधिकारियों-कर्मचारियों की भूमिका सर्वाधिक महत्वपूर्ण है। शासकीय कर्मचारियों के चेहरे की खुशी ही हमारे विकास का आधार है। कर्मचारी प्रदेश के सच्चे कर्मयोगी हैं जो प्रत्येक जनकल्याणकारी योजना को जमीन पर उतारने में अहम भूमिका निभाते हैं। राज्य सरकार कर्मचारियों के हितों के लिए हर कदम पर साथ खड़ी है। कर्मचारियों के कल्याण के कार्यों के लिए राज्य सरकार सदैव तत्पर है। राज्य शासन ने 1 जनवरी 2005 को या उसके बाद नियुक्त कर्मचारियों के लिए एकीकृत पेंशन योजना लागू करने के लिए समिति गठित करने का निर्णय लिया है, इससे पेंशन की विसंगतियों को दूर करने में मदद मिलेगी। राज्य सरकार सभी वर्गों का समान रूप से ध्यान रख रही है। विभिन्न कर्मचारी संवर्गों की वेतन विसंगति, ग्रेड पे, पदनाम परिवर्तन के लिए सेवानिवृत्त वरिष्ठ अधिकारियों को सम्मलित कर नया आयोग बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि जन सामान्य के कार्यो का त्वरित रूप से निराकरण और अपने कर्त्तव्यों के प्रति प्रतिबद्धता, शासकीय अधिकारियों, कर्मचारियों का दायित्व है। शासन-प्रशासन परस्पर सहयोग से प्रदेश को तेज गति से सभी क्षेत्रों में आगे बढ़ाने के लिए सक्रिय है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव राज्य कर्मचारी संघ द्वारा मंत्रालय स्थित सरदार वल्लभ भाई पटेल पार्क में आयोजित दीपावली मिलन समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने दीपावली मिलन समारोह के अयोजन पर प्रसन्न्ता व्यक्त की। नई भर्ती आरंभ कर 2 लाख नए पद सृजित किए जाएंगे मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि कर्मचारियों के हितों का ध्यान रखते हुए राज्य सरकार ने 9 साल से लंबित हाउस रेंट अलाउंस का निराकरण कराया है। सरकार की मंशा है कि सभी पात्र अधिकारी-कर्मचारियों के प्रमोशन हों लेकिन प्रकरण अभी कोर्ट में लंबित है। हमें विश्वास है कि प्रदेश के लगभग 4 लाख अधिकारी-कर्मचारियों को जल्द ही पदोन्नति का लाभ मिलेगा। साथ ही नई भर्ती आरंभ कर 2 लाख नए पद भी सृजित किए जाएंगे। यूपीएससी की तर्ज पर एक परीक्षा कराई जाएगी, जिससे अलग-अलग पदों को भरने के लिए कई परीक्षाएं न कराना पड़े। पुलिस भर्ती में तेजी लाने के लिए पुलिस भर्ती बोर्ड बनाया जा रहा है। पुलिस विभाग में 20 हजार पद भरे जाएंगे। भर्ती प्रक्रिया शुरू की जा चुकी है। आंगनबाड़ी पर्यवेक्षकों के 476 नए पद स्वीकृत किए गए हैं। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिकाओं के 19,504 नए पदों पर पहली बार डिजिटल पद्धति से भर्ती की प्रक्रिया शुरू की जा रही हैं। कर्मचारियों के हित में जल्द ही निर्णय लेगी राज्य सरकार मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार ने केंद्रीय कर्मचारियों के समान राज्य कर्मचारियों को भी 55 प्रतिशत महंगाई भत्ते का लाभ दिया है और एरियर का भुगतान भी 5 समान किस्तों में जून से अक्टूबर 2025 तक कर्मचारियों को किया जा चुका है। जल्द ही राज्य सरकार के दो साल पूरे होने जा रहे हैं कर्मचारियों के हित में हर संभव निर्णय लिए जाएंगे। अब तक कर्मचारियों को स्मार्ट सिटी परियोजना के 366 आवास आवंटित किए जा चुके हैं। नए 300 से अधिक आवास भी बनकर तैयार हैं जल्द ही इन्हें सिंगल क्लिक के माध्यम से अधिकारियों-कर्मचारियों को आवंटित किया जाएगा। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाओं को भी जीवन ज्योति बीमा और प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना का लाभ देने की स्वीकृति दी गई है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने छठ पर्व की बधाई और मंगलकामनाएं भी दीं। कार्यक्रम में विधायक भगवानदास सबनानी, भारतीय मजदूर संघ के प्रदेश अध्यक्ष संजय सिंह, मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष हेमंत वास्तव,प्रदेश महामंत्री जितेंद्र सिंह सहित विभिन्न कर्मचारियों के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।