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दिल्लीवासियों के लिए बड़ी सौगात: यमुनापार से हर कोने तक दौड़ेंगी 300 देवी बसें

नई दिल्ली दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने रविवार को यमुनापार के लोगों को 300 नई देवी (दिल्ली इलेक्ट्रिक व्हीकल इंटरकनेक्टर) बसों की सौगात दे दी। उन्होंने कहा कि लोगों की समस्या दूर करने के लिए पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर नए रूट तय किए गए हैं। नई बसों के चलने के बाद अब डीटीसी के बेड़े में कुल 974 देवी बसें हो गई हैं। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने पत्रकारों से बात करते हुए बताया कि कई इलाकों में बसें होने के बावजूद कनेक्टिविटी कमजोर थी। यात्रा करने में लंबा समय लगता था और भीड़ भी ज्यादा रहती थी। इसी चुनौती को दूर करने के लिए आईआईटी दिल्ली के सहयोग से वैज्ञानिक अध्ययन किया गया। इसके बाद ही पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर ये नए रूट बनाए गए। ये नई देवी बसें यमुनापार को राजधानी के हर कोने से जोड़ेंगी।” मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हमारा संकल्प है कि हर दिल्लीवासी को बराबर की सुविधा और सम्मान मिले। किसी को कोई परेशानी न हो। केंद्र और राज्य सरकार हमेशा जनता के साथ खड़ी है। पिछली सरकार पर मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने निशाना साधते हुए कहा, “यमुना पार्क, ट्रांस यमुना, यहां तक कि जो ट्रांस यमुना डेवलपमेंट बोर्ड था, उसे भी पिछली सरकार के कार्यकाल में बंद कर दिया गया था, जिससे लोगों को परेशानी हो रही थी। आज हमने यमुना पार को 300 इलेक्ट्रिक बसें दी हैं। इसके साथ ही, हमने आईआईटी दिल्ली के साथ पूरे रूट को भी बदल दिया है।” उन्होंने कहा कि इन देवी बसों में कैमरे और पैनिक बटन लगाए गए हैं। यात्रियों की सुविधा को देखते हुए इसे तैयार किया गया है। खास बात यह है कि हम लोगों ने इसमें पेमेंट का मोड भी ऑटोमेटिक कर दिया है जिससे किसी को कोई परेशानी न हो और वे आराम से यात्रा कर सकें। पटपड़गंज के पूर्व विधायक मनीष सिसोदिया पर भी हमला बोलते हुए रेखा गुप्ता ने कहा, “शिक्षा की बात करने वाले ने शिक्षा पर कोई काम नहीं किया। आज भी दिल्ली में टीन शेड के अंदर पढ़ाई हो रही है। जहां तक जलभराव की बात है, तो उनके लोग रील बनाने के लिए स्विमिंग करते हैं। मैं उनको यह बता दूं कि अगले साल उन्हें यह मौका नहीं मिलेगा।” मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने कहा कि लोगों की जरूरत को ध्यान में रखते हुए यह बस सेवा शुरू की गई है। यमुनापार में हर उस जगह बस पहुंचाई जाएगी जहां लोगों को जरूरत है।  

1.26 करोड़ लाड़ली बहनों के लिए खुशखबरी, दिवाली बाद 1250 की जगह मिलेंगे 1500 रूपए हर माह

भोपाल   1.26 करोड़ लाड़ली बहनों के लिए खुशखबरी है। अक्टूबर में योजना की 29वीं किस्त जारी की जाएगी । इसके तहत प्रत्येक लाड़ली बहन के खाते में 1250 रूपए पहुंचेंगे। इसी के साथ राशि में भी 250 रुपए की वृद्धि की जाएगी और भाईदूज से बहनों को 1500 रुपए प्रतिमाह मिलना शुरू हो जाएंगे।इसकी घोषणा खुद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने की है।बता दे कि मोहन सरकार ने 12 सितंबर को 1.26 करोड़ लाड़ली बहनों के खातों में 28वीं किश्त के लिए 1541 करोड़ और 31 लाख से अधिक बहनों को एलपीजी सिलेंडर रीफिलिंग के लिए 48 करोड़ जारी कर किए गए थे ।योजना की शुरुआत के बाद से अब तक 41 हजार करोड़ की राशि लाड़ली बहनों को दी जा चुकी है। भाई दूज से लाड़ली बहनों को मिलेंगे 1500 हर माह शनिवार को एक कार्यक्रम में पहुंचे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रदेश की लाड़ली बहनों के लिए हमारे खजाने में धन की कोई कमी नहीं है। दीपावली की भाईदूज से लाड़ली बहनों को 1500 रुपए प्रतिमाह देंगे और हमारा संकल्प है कि धीरे-धीरे यह राशि बढ़ाकर 3 हजार रुपए प्रतिमाह कर देंगे। अगले तीन साल में 2028 तक 3000 रुपए बहनों के खाते में भेजने का लक्ष्य है। उम्मीद है कि नवंबर में मिलने वाली किस्त में 250 रुपए इजाफा कर 1500 रूपए दिए जा सकते है, क्योंकि 20-21 अक्टूबर को दिवाली है और 23 अक्टूबर को भाईदूज है, ऐसे में नंवबर की किस्त में बढ़ी हुई राशि का लाभ मिल सकता है। वर्तमान में लाड़ली बहना योजना में मिलते है हर माह 1250 रू     लाड़ली बहना योजना पिछली शिवराज सिंह चौहान सरकार द्वारा मई 2023 में शुरू की गई थी।लाड़ली बहना योजना का मुख्य उद्देश्य मध्य प्रदेश की महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना और उनके जीवन को बेहतर बनाना है।     इस योजना के तहत 21 से 60 वर्ष की विवाहित महिलाओं को 1000 रुपए देने का फैसला किया गया था और फिर इसकी पहली किस्त 10 जून को जारी की गई थी।     इसके बाद रक्षाबंधन 2023 पर राशि को बढ़ाकर 1250 रुपए कर दिया गया था।अब इस योजना के तहत 1250 रुपए महीना के हिसाब से महिलाओं को सालाना 15,000 रुपये मिलते हैं।     लाड़ली बहनों को जून 2023 से अगस्त 2025 तक मासिक आर्थिक सहायता राशि की कुल 27 किश्तों का अंतरण किया गया है।प्रदेश की लाड़ली बहनों को अब तक 41 हजार करोड़ से अधिक का लाभ मिल चुका है।     इसके अतिरिक्त माह अगस्त 2023 एवं 2024 में (कुल 2 बार) लाभार्थी महिलाओं को 250 रुपये की राशि की विशेष आर्थिक सहायता का भी अंतरण किया गया। लाड़ली बहना योजना में ये अपात्र     महिलाएं, खुद या उनके परिवार में कोई टैक्सपेयर नहीं होना चाहिए ।परिवार की सालाना आय 2.5 लाख रुपये होना चाहिए।     जिनके या उनके परिवार के कोई सदस्य इनकम टैक्स देते हैं।जिनके परिवार का कोई भी सदस्य सरकारी नौकरी में है (स्थायी, संविदा या पेंशन पाने वाला)।     अगर संयुक्त परिवार है तो 5 एकड़ से ज्यादा जमीन न हो, परिवार में कोई भी व्यक्ति सरकारी नौकरी न करता हो।घर पर ट्रैक्टर, चारपहिया वाहन न हो।     जो खुद किसी और सरकारी योजना से हर महीने 1250 रुपये या उससे ज्यादा की राशि पा रही हैं जिनके परिवार में कोई वर्तमान या पूर्व सांसद या विधायक हो।     जिनके परिवार का कोई सदस्य सरकारी बोर्ड, निगम, मण्डल आदि का अध्यक्ष, संचालक या सदस्य हो।जिनके परिवार में कोई स्थानीय निकाय का चुना हुआ जनप्रतिनिधि हो (पंच और उपसरपंच को छोड़कर)।     जिनके परिवार के पास कुल 5 एकड़ से ज्यादा खेती की जमीन हो।जिनके परिवार के नाम पर कोई चार पहिया वाहन (ट्रैक्टर को छोड़कर) रजिस्टर्ड हो। लाभार्थी सूची में ऐसे चेक करें अपना नाम     लाड़ली बहना की आधिकारिक वेबसाइट https://cmladlibahna.mp.gov.in/ पर जाएं।     वेबसाइट के मुख्य पृष्ठ पर “आवेदन एवं भुगतान की स्थिति” वाले विकल्प पर     क्लिक करें।     दूसरे पृष्ठ पर पहुंचने के बाद, अपना आवेदन नंबर या सदस्य समग्र क्रमांक दर्ज करें।     कैप्चा कोड सबमिट करने के बाद, मोबाइल पर एक ओटीपी भेजा जाएगा।     मोबाइल नंबर पर प्राप्त ओटीपी दर्ज करें और वेरिफाई करें।     ओटीपी वेरिफाई करने के बाद “सर्च” विकल्प पर क्लिक करें और आपका भुगतान स्थिति खुल जाएगी।

सरकारी कर्मचारियों के लिए राहत या नई चुनौती? अवकाश नियमों पर समीक्षा के लिए MP में कमेटी का गठन

भोपाल  मध्यप्रदेश में सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों को मिलने वाले अवकाश की व्यवस्था में जल्द बड़ा बदलाव होने वाला है। राज्य सरकार ने इसके लिए एक उच्चस्तरीय समिति गठित की है। यह समिति सरकारी विभागों, निगम-मंडलों और अन्य संस्थाओं में वर्तमान में लागू सार्वजनिक, सामान्य और ऐच्छिक अवकाशों का विस्तार से अध्ययन करेगी। अध्ययन के बाद समिति अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंपेगी और उसी के आधार पर भविष्य में अवकाश की नई सूची तय की जाएगी। सरकार का मानना है कि समय के साथ कर्मचारियों को मिलने वाली छुट्टियों की मौजूदा व्यवस्था की समीक्षा जरूरी हो गई है ताकि इसे व्यावहारिक और संतुलित बनाया जा सके। मुख्यमंत्री ने दिए थे संकेत करीब एक माह पहले गणेश चतुर्थी से पहले आयोजित कैबिनेट बैठक के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस मुद्दे को उठाया था। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए थे कि प्रदेश में कर्मचारियों को दिए जाने वाले सभी प्रकार के अवकाशों की नई समीक्षा की जाएं।   तीनों कैटेगरी का फिर से निर्धारण इसमें सामान्य अवकाश, अर्जित अवकाश और ऐच्छिक अवकाश तीनों कैटेगरी को शामिल किया जाएं। साथ ही उन्होंने यह भी सुझाव दिया था कि धार्मिक और सांस्कृतिक दृष्टिकोण से त्यौहारों के दिनों की छुट्टियों पर भी विचार किया जाए। उसी बैठक में मुख्यमंत्री ने यह भी कहा था कि गणेश चतुर्थी को प्रदेश में सामान्य अवकाश घोषित किया जाए। समिति का किया गया गठन मुख्यमंत्री के निर्देशों के बाद सामान्य प्रशासन विभाग ने चार सदस्यीय समिति गठित की है। इस समिति का काम है कि वह प्रदेश में छुट्टियों की मौजूदा व्यवस्था की समीक्षा करें और अपनी सिफारिशें सरकार को दें। इस बार अन्य विभाग भी शामिल पहले यह जिम्मेदारी केवल सामान्य प्रशासन विभाग पर ही होती थी, लेकिन इस बार सरकार ने फैसला किया है कि अन्य अहम विभागों को भी इसमें शामिल किया जाए ताकि अवकाश की सूची पर एक संतुलित और सर्वसम्मत राय सामने आ सके। धार्मिक आधार पर भी होगी समीक्षा नई समिति यह भी देखेगी कि अलग-अलग वर्गों और धर्मों से जुड़े त्योहारों को ध्यान में रखकर अवकाश किस प्रकार तय किए जाएं। माना जा रहा है कि दीपावली, नवरात्र, ईद और क्रिसमस जैसे बड़े त्यौहारों पर सामान्य अवकाश बनाए रखने के साथ-साथ अन्य त्यौहारों की भी समीक्षा की जाएगी। इससे यह सुनिश्चित होगा कि किसी भी समुदाय या वर्ग के साथ पक्षपात न हो और सभी को बराबरी से अवसर मिले। कौन हैं समिति में शामिल अधिकारी गठित समिति में चार विभागों के वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों को शामिल किया गया है। इसमें समिति के समन्वयक की जिम्मेदारी सामान्य प्रशासन विभाग के अपर मुख्य सचिव को दी गई है। यह जिम्मेदारी इस समय संजय कुमार शुक्ल निभा रहे हैं। इसके अलावा गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव शिवशेखर शुक्ला, वित्त विभाग के अपर मुख्य सचिव मनीष रस्तोगी और राजस्व विभाग से प्रमुख सचिव विवेक पोरवाल को समिति का सदस्य बनाया गया है। पहले सामान्य प्रशासन विभाग की थी जिम्मेदारी अब तक अवकाशों की घोषणा और समीक्षा का काम केवल सामान्य प्रशासन विभाग तक सीमित रहता था। वहीं इस बार सरकार ने निर्णय लिया है कि इस प्रक्रिया में अन्य महत्वपूर्ण विभागों की भागीदारी भी होगी। इससे निर्णय अधिक व्यापक और पारदर्शी हो सकेगा। साथ ही अवकाशों की सूची तय करने में सभी पहलुओं पर संतुलित विचार किया जा सकेगा। नहीं रहेगी जरुरत से ज्यादा छुट्टियां राज्य सरकार चाहती है कि कर्मचारियों को मिलने वाली छुट्टियां न तो जरूरत से ज्यादा हों और न ही इतनी कम कि त्यौहारों और व्यक्तिगत अवसरों पर उन्हें परेशानी हो। संतुलित व्यवस्था से न केवल कर्मचारी संतुष्ट होंगे बल्कि विभागों की कार्यक्षमता भी प्रभावित नहीं होगी। समिति की रिपोर्ट आने के बाद सरकार इस पर अंतिम निर्णय लेगी और संभावना है कि आने वाले समय में प्रदेश के कर्मचारियों को एक नई अवकाश नीति देखने को मिलेगी।

विद्यार्थियों के लिए जरूरी अपडेट: आधार अभियान का दूसरा चरण अब अक्टूबर से

दूसरे चरण में 26 लाख विद्यार्थियों के किये जायेंगे आधार अपडेट भोपाल  प्रदेश में 26 लाख विद्यार्थी अब तक अपने आधार में आवश्यक बायोमेट्रिक अपडेट नहीं करा पाए हैं। अपडेट विद्यार्थियों के 5 वर्ष और 15 वर्ष की आयु पूरी होने पर अनिवार्य होता है। आधार में नवीनतम बायोमेट्रिक दर्ज होने के बाद ही विद्यालय प्रवेश, छात्रवृत्ति, प्रतियोगी परीक्षाओं और डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर जैसी योजनाओं का लाभ विद्यार्थियों को सहज रूप से मिल सकेगा। विद्यार्थियों को शासकीय योजनाओं का लाभ सुनिश्चित करने के लिए यूनिक आइडेंटिफिकेशन अथॉरिटी ऑफ इंडिया (यूआईएडीएआई) और स्कूल शिक्षा विभाग ने 18 अगस्त 2025 को ‘विद्यार्थी के लिए "आधार, अब विद्यालय के द्वार" अभियान प्रारंभ किया था। अभियान के अंतर्गत सरकारी विद्यालयों में आधार नामांकन एवं अपडेट शिविर लगाए गए थे। अब प्रदेश के सभी जिलों में एक अक्टूबर से इस अभियान का दूसरा चरण प्रारंभ किया जा रहा है। दूसरे चरण में उन विद्यालयों को प्राथमिकता दी गई है, जहाँ सबसे अधिक विद्यार्थियों के बायोमेट्रिक अपडेट लंबित हैं। साथ ही, ऐसे बड़े विद्यालयों का भी चयन किया गया है, जिनके आसपास अन्य विद्यालय भी संचालित होते हैं, जिससे अधिकाधिक विद्यार्थियों को लाभ मिल सके। यूआईएडीएआई और शिक्षा विभाग ने विद्यार्थियों के आधार का बायोमेट्रिक स्टेटस देखने के लिये यू-डाइस+ पोर्टल पर विशेष सुविधा विकसित की है। इसके माध्यम से विद्यालय आसानी से उन विद्यार्थियों की पहचान कर सकेंगे जिनका अपडेट लंबित है। अभियान के सफल संचालन के लिए 26 सितम्बर को जिला परियोजना समन्वयक, जिला शिक्षा अधिकारी, प्रोग्रामर, ब्लॉक रिसोर्स सेंटर, ब्लॉक शिक्षा अधिकारी और शासकीय विद्यालयों के प्राचार्यों को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से प्रशिक्षित किया गया। इससे पूर्व यूआईएडीएआई आधार ऑपरेटरों को भी प्रशिक्षित कर चुका है। विद्यालय प्राचार्यों को निर्देश दिए गए हैं कि वे यू-डाइस+ पोर्टल से लंबित विद्यार्थियों की सूची प्राप्त करें। सूची में शामिल विद्यार्थियों को पूर्व सूचना दें और शिविर के लिए रोस्टर तैयार करें। साथ ही, विद्यार्थियों को नजदीकी आधार सेवा केंद्रों में भी बायोमेट्रिक अपडेट कराने के लिए प्रेरित करें।  

सीतानदी में बड़ी सफलता: आतंकियों के मुठभेड़ में दो कमांडर ढेर, तीन शव मिले

कांकेर कांकेर जिले के तिरयारपानी और छिंदखड़क के जंगलों में पुलिस नक्सली मुठभेड़ में जवानों को बड़ी सफलता मिली है। सुरक्षा बालों ने मुठभेड़ में तीन नक्सली मारे गए। इसमें एक महिला और दो पुरुष नक्सली शामिल है। तीनों का शव बरामद कर लिया गया है। तीनों नक्सलियों के ऊपर 14 लाख रुपये का इनाम घोषित था। कांकेर एसएसपी आई के एसलिसेला ने बताया कि कांकेर जिला गारियाबंद जिला DRG के साथ BSF जवानों की संयुक्त टीम आज सुबह नक्सल आपरेशन के लिए निकली हुई थी। तिरयारपानी के जंगलों में नक्सलियों से जवानों के साथ मुठभेड़ हो गया। इलाके में जब सर्च आपरेशन चलाया गया। मौके से तीन नक्सलियों का शव बरामद हुआ है। तीनों नक्सलियों के ऊपर 14 लाख रुपये का इनाम घोषित जिसकी पहचान राजेश उर्फ राकेश हेमला, एसीएम, नगरी एरिया कमेटी/गोबरा एलओएस कमाण्डर पांच लाख का इनाम घोषित था। दूसरा नक्सली सरवन मडकम उर्फ विश्वनाथ उर्फ बुधराम पुनेम एसीएम, सीतानदी/रावस समन्वय एरिया कमेटी- सचिव जिसके ऊपर आठ लाख रुपये का इनाम और तीसरी महिला नक्सली बसंती कुंजाम उर्फ हिडमें पीएम, समन्वय/प्रोटेक्शन टीम मैनपुर-नुआपाड़ा सदस्य जिसके ऊपर एक लाख रुपये का इनाम घोषित था। मौके से एक नग एसएलआर, एक नग 303 रायफल, एक नग 12 बोर बरामद और अन्य नक्सल सामाग्री बरामद हुआ है। यह क्षेत्र नक्सलियों का ट्रांजिट रूट कांकेर एसएसपी आई के एलिसेला ने बताया कि यह क्षेत्र में काफी साल बाद नक्सल मूमेंट देखने को मिला है। यह क्षेत्र नक्सलियों का ट्रांजिट रूट रहा है, जहां से अक्सर बड़े नक्सली आना-जाना करते है। उन्होंने कहा कि विषम भौगोलिक परिस्थितियों और कठिन मौसम के बावजूद बस्तर में तैनात पुलिस, सुरक्षा बल भारत सरकार और छत्तीसगढ़ शासन की मंशा के अनुरूप और बस्तरवासियों की आकांक्षाओं के अनुरूप  जनजीवन और संपत्ति की सुरक्षा के लिए पूर्ण निष्ठा के साथ कार्य कर रहे हैं। पुलिस महानिरीक्षक ने माओवादी कैडरों से अपील की कि वे यह यथार्थ स्वीकार करें कि माओवाद समाप्ति के कगार पर है। अब समय आ गया है कि वे हिंसा का मार्ग त्याग कर सरकार की पुनर्वास नीति का लाभ उठाते हुए मुख्यधारा से जुड़ें। यदि वे अवैध और हिंसक गतिविधियाँ जारी रखते हैं, तो उन्हें कठोर परिणाम भुगतने होंगे।

सौरव गांगुली को पछाड़ मिथुन मन्हास बने BCCI अध्यक्ष, जानें पूरी कहानी

नई दिल्ली  भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) के नए अध्‍यक्ष का ऐलान कर दिया गया है। सौरव गांगुली जैसे दिग्‍गजों को पछाड़ते हुए मिथुन मन्‍हास को बीसीसीआई की कमान सौंप दी गई है। वहीं, राजीव शुक्ला को उपाध्यक्ष बनाने की घोषणा की गई है। इनके अलावा देवजीत सैकिया को बोर्ड के नए सचिव की जिम्‍मेदारी सौंपी गई है। इस तरह से पिछले काफी दिनों से चल रही सभी चर्चाओं पर अब विराम लग गया है। राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने दी बधाई डॉ. जितेंद्र सिंह, माननीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी और पृथ्वी विज्ञान मंत्री ने मिथुन मन्‍हास को बीसीसीआई का नया अध्‍यक्ष बनने पर बधाई दी है। उन्‍होंने एक्‍स पर पोस्‍ट करते हुए लिखा, 'जश्न मनाने का एक यादगार अवसर! मिथुन मन्हास को आधिकारिक तौर पर 'भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड' #BCCI का नया अध्यक्ष घोषित किया गया है। जम्मू-कश्मीर के सबसे दूरस्थ इलाकों में से एक, पूर्व डोडा ज़िले के लिए यह रविवार कितना सौभाग्यशाली रहा, जो संयोग से मेरा अपना गृह ज़िला भी है। कुछ ही घंटों के अंतराल में, पहले किश्तवाड़ की एक बेटी शीतल विश्व चैंपियन बनकर उभरी और उसके तुरंत बाद भद्रवाह का एक बेटा, मिथुन शीर्ष पद पर पहुंच गया।'

कुपवाड़ा में सुरक्षाबलों की बड़ी कामयाबी, 2 आतंकी ढेर

कुपवाड़ा  जम्मू-कश्मीर के कुपवाड़ा में घुसपैठ की कोशिश नाकाम करते हुए भारतीय सुरक्षाबलों ने 2 आतंकियों को ढेर कर दिया है. उत्तरी कश्मीर के कुपवाड़ा के केरन सेक्टर में आतंकियों ने LOC पार करके भारत में घुसने की कोशिश की. सूत्रों के अनुसार, घुसपैठ कर रहे आतंकवादियों ने सुरक्षा बलों की टुकड़ी को चुनौती दी. सुरक्षाबलों ने आतंकियों को रोकने के लिए गोलीबारी की, जिसमें 2 आतंकवादी मारे गए, लेकिन उनके शव अभी तक बरामद नहीं हुए हैं. जम्मू-कश्मीर में कुपवाड़ा जिले के केरन सेक्टर में सेना ने LoC पर घुसपैठ की कोशिश को नाकाम करते हुए दो आतंकियों को ढेर कर दिया। पिछले 8 दिनों में सेना और आतंकवादियों के बीच यह दूसरा एनकाउंटर है। इससे पहले 20 सितंबर को जम्मू-कश्मीर के उधमपुर में आतंकियों के साथ मुठभेड़ में एक जवान शहीद हो गया था। वहीं एसपीओ समेत दो पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। मुठभेड़ दूदू-बसंतगढ़ और डोडा के भद्रवाह में सोजधार के जंगलों में हुई थी। 20 सितंबर को आतंकियों से मुठभेड़ में शहीद जवान की पहचान लांस दफादार बलदेव चंद के रूप में हुई थी। 8 सितंबर: कुलगाम एनकाउंटर में शहीद हुए थे 2 जवान 8 सितंबर को कुलगाम में ऑपरेशन गुड्‌डर के दौरान हुए एनकाउंटर में भी 2 जवान शहीद हुए थे। इनमें कैथल के लांसनायक नरेंद्र सिंधु और उत्तर प्रदेश के पैरा कमांडो प्रभात गौड़ का नाम शामिल था। इस मुठभेड़ में लश्कर-ए-तैयबा के 2 आतंकी मारे गए थे। इनमें से एक शोपियां का रहने वाला आमिर अहमद डार और दूसरा विदेशी आतंकी रहमान भाई था। आमिर लश्कर-ए-तैयबा से जुड़ा था और सितंबर 2023 से एक्टिव था। पहलगाम हमले के बाद सुरक्षा एजेंसियों की तरफ से जारी 14 आतंकवादियों की लिस्ट में यह भी शामिल था।

मन की बात: गांधी जयंती पर खादी और स्वदेशी अपनाने की पीएम मोदी की अपील

नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को 'मन की बात' कार्यक्रम के जरिए देशवासियों को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने कहा, 'नवरात्रि के इस समय में हम शक्ति की उपासना करते हैं। हम नारी-शक्ति का उत्सव मनाते हैं। व्यापार से लेकर खेल तक और शिक्षा से लेकर विज्ञान तक आप किसी भी क्षेत्र को लीजिए, देश की बेटियां हर जगह अपना परचम लहरा रहीं है। आज वे ऐसी चुनौतियों को भी पार कर रही हैं, जिनकी कल्पना तक मुश्किल है।' पीएम मोदी ने कहा, '2 अक्टूबर को गांधी जयंती है। गांधी जी ने हमेशा स्वदेशी को अपनाने पर बल दिया और इनमें खादी सबसे प्रमुख थी। दुर्भाग्य से आजादी के बाद खादी की रौनक कुछ फीकी पड़ती जा रही थी, लेकिन बीते 11 साल में खादी के प्रति देश के लोगों का आकर्षण बहुत बढ़ा है। मैं आप सभी से आग्रह करता हूं कि 2 अक्टूबर को कोई ना कोई खादी सामान जरूर खरीदें और गर्व से कहें ये स्वदेशी हैं।' छठ पूजा का भी पीएम मोदी ने किया जिक्र मन की बात कार्यक्रम में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, 'छठ पूजा ऐसा एक पावन पर्व है जो दीवाली के बाद आता है। इसमें हम डूबते सूर्य को भी अर्घ्य देते हैं, उनकी आराधना करते हैं। आज ये एक वैश्विक उत्सव बन रहा है। भारत सरकार छठ महापर्व को UNESCO की अमूर्त सांस्कृतिक विरासत सूची में शामिल कराने के लिए प्रयासरत है। जब छठ पूजा UNESCO की सूची में शामिल हो जाएगी, तो दुनिया के हर कोने में लोग इसकी भव्यता और दिव्यता का अनुभव कर सकेंगे।' लता मंगेशकर को पीएम मोदी ने किया याद पीएम मोदी ने कहा, 'आज लता मंगेशकर की भी जयंती है। भारतीय संस्कृति और संगीत में रुचि रखने वाला कोई भी उनके गीतों को सुनकर अभिभूत हुए बिना नहीं रह सकता। उनके गीतों में वो सब कुछ है जो मानवीय संवेदनाओं को झकझोरता है। उन्होंने देशभक्ति के जो गीत गाए, उन गीतों ने लोगों को बहुत प्रेरित किया। भारत की संस्कृति से भी उनका गहरा जुड़ाव था। मैं लता दीदी के लिए हृदय से अपनी श्रद्धांजलि प्रकट करता हूं।' 'अमर शहीद भगत सिंह युवाओं के लिए प्रेरणापुंज' प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि अमर शहीद भगत सिंह, हर भारतवासी, विशेषकर देश के युवाओं के लिए एक प्रेरणापुंज है। निर्भीकता उनके स्वभाव में कूट-कूटकर भरी थी। उन्होंने कहा, 'भगत सिंह लोगों की पीड़ा के प्रति भी बहुत संवेदनशील थे और उनकी मदद में हमेशा आगे रहते थे। मैं शहीद भगत सिंह को आदरपूर्वक श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं।'

दुनिया की नजरें फाइनल पर: IND और PAK के बीच होगी अभिषेक और शाहीन की टक्कर

दुबई भारत के गेंदबाजी कोच मोर्ने मोर्कल ने कहा है कि रविवार को एशिया कप फाइनल में अभिषेक शर्मा की शानदार बल्लेबाजी का मुकाबला शाहीन शाह अफरीदी की सटीक गेंदबाजी से होगा और दोनों के बीच 'कांटे की टक्कर' देखने को मिलेगी। मोर्कल ने इन दोनों खिलाड़ियों के साथ काम किया है। मोर्कल इससे पहले पाकिस्तान टीम के साथ गेंदबाजी सलाहकार के रूप में कुछ समय के लिए काम कर चुके हैं जहां उन्हें बाएं हाथ के तेज गेंदबाज शाहीन को कोचिंग देने का मौका मिला था। पीछे नहीं हटेंगे अभिषेक मोर्कल ने कहा कि शाहीन निश्चित रूप से एक आक्रामक गेंदबाज है जो आपको पटखनी देने की कोशिश करेगा और अभिषेक भी पीछे नहीं हटेंगे। मुझे लगता है कि अब तक जब भी ये दोनों आमने-सामने आए हैं तो हम सभी क्रिकेट समर्थक और प्रशंसक अपनी सीटों से चिपके रहे हैं और यह खेल के लिए बहुत अच्छा है। दोनों खिलाड़ी 25 साल के हैं। हालांकि, शाहीन पिछले काफी समय से पाकिस्तान टीम का हिस्सा हैं लेकिन बाएं हाथ के बल्लेबाज अभिषेक ने मौजूदा एशिया कप में अपनी तेजतर्रार बल्लेबाजी से क्रिकेट जगत का ध्यान खींचा है। इस भारतीय खिलाड़ी ने छह मैच में एक भी बार नाकामी नहीं झेली है। उन्होंने तीन अर्धशतक और तीन बार 30 या उससे अधिक के स्कोर बनाए हैं। अभिषेक रहे हावी भारत और पाकिस्तान के बीच अब तक यहां हुए दोनों मैच में अभिषेक ने शाहीन की धज्जियां उड़ा दीं। अभिषेक ने 14 सितंबर के मैच की शुरुआत शाहीन पर फुलटॉस पर सीधा चौका लगाकर की और 21 सितंबर को इस तेज गेंदबाज पर स्क्वायर के पीछे हुक करके छक्का जड़ा। दक्षिण अफ्रीका के पूर्व तेज गेंदबाज मोर्कल ने कहा कि हां, तो चलिए रविवार को इसका इंतजार करते हैं और इस टक्कर का आनंद लेते हैं। पाकिस्तान की कमजोरियां और भी अधिक अगर भारत अभिषेक पर बहुत अधिक निर्भर है तो सलमान आगा की अगुवाई वाली पाकिस्तान टीम की कमजोरियां और भी अधिक स्पष्ट हैं। टीम का बल्लेबाजी क्रम काफी प्रभावी नहीं रहा है। जसप्रीत बुमराह को कुछ समय परेशान करने वाले साहिबजादा फरहान के अलावा अन्य बल्लेबाज दमदार प्रदर्शन नहीं कर पाए हैं। सईम अयूब का अभियान बेहद निराशाजनक रहा है। वह चार बार शून्य पर आउट हुए और एक समय तो टूर्नामेंट में उनके नाम पर रन से अधिक विकेट दर्ज थे। हुसैन तलत और सलमान अली आगा भारतीय स्पिनरों के सामने लड़खड़ा गए। रविवार का मैच एक बार फिर कुलदीप यादव और वरुण चक्रवर्ती की चतुराई से तय हो सकता है। पाकिस्तान की उम्मीदें नई गेंद से उसके खिलाड़ियों के आक्रामक प्रदर्शन पर टिकी हैं। अगर शाहीन शाह अफरीदी और हारिस राऊफ भारत के शीर्ष क्रम को जल्दी ध्वस्त कर देते हैं तो यह कम स्कोर वाला मुकाबला हो सकता है। लेकिन अभिषेक पर भारत की अत्यधिक निर्भरता की तरह शाहीन और राऊफ को भी अच्छे साथी गेंदबाजों की कमी खल रही है। रविवार के मुकाबले को शायद शिष्टाचार के लिए कम और नतीजे के लिए अधिक याद किया जाएगा। जैसा कि एक पुरानी कहावत है, ‘‘अंत भला तो सब भला।’’ भारत के लिए केवल एक ही स्वीकार्य अंत है: पाकिस्तान पर जीत, चाहे वह अच्छी लगे या खराब। मैच भारतीय समयानुसार रात आठ बजे से खेला जाएगा। भारत: सूर्यकुमार यादव (कप्तान), शुभमन गिल (उपकप्तान), अभिषेक शर्मा, तिलक वर्मा, हार्दिक पांड्या, शिवम दुबे, अक्षर पटेल, जितेश शर्मा, जसप्रीत बुमराह, अर्शदीप सिंह, वरुण चक्रवर्ती, कुलदीप यादव, संजू सैमसन, हर्षित राणा और रिंकू सिंह। पाकिस्तान: सलमान अली आगा (कप्तान), अबरार अहमद, फहीम अशरफ, फखर जमां, हारिस राऊफ, हसन अली, हसन नवाज, हुसैन तलत, खुशदिल शाह, मोहम्मद हारिस, मोहम्मद नवाज, मोहम्मद वसीम जूनियर, साहिबजादा फरहान, सईम अयूब, सलमान मिर्जा, शाहीन अफरीदी और सुफयान मोकिम।  

1 अक्टूबर से लागू होंगे देश के 5 महत्वपूर्ण बदलाव, जानिए आपके जीवन पर क्या होगा प्रभाव

नईदिल्ली   अक्टूबर का महीना आने वाला है और इसके साथ ही कई अहम नियम और बदलाव लागू होंगे. इन बदलावों का असर सीधे आपकी रोजमर्रा की जिंदगी और बजट पर पड़ सकता है. इसमें एलपीजी सिलेंडर की कीमतें, आरबीआई रेपो रेट, UPI ट्रांजेक्शन, रेलवे टिकट बुकिंग नियम और नेशनल पेंशन सिस्टम जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्र शामिल हैं. आइए जानें 1 अक्टूबर 2025 से होने वाले ये बड़े बदलाव और उनकी अहमियत. सितंबर का महीना जल्द ही समाप्त होने वाला है और बस 3 दिन बाद अक्टूबर दस्तक देने वाला है। इस नए महीने के साथ ही देश में कई महत्वपूर्ण नियम और बदलाव लागू होंगे, जो सीधे आम आदमी की जेब और रोज़मर्रा की जिंदगी को प्रभावित करेंगे। त्योहारों के सीजन में सबसे ज्यादा असर LPG सिलेंडर की कीमतों पर पड़ेगा, जो रसोई के बजट को सीधा छूता है। वहीं, ऑयल मार्केटिंग कंपनियां CNG और PNG की कीमतों में भी संशोधन कर सकती हैं। रेलवे यात्रियों के लिए भी बड़ा बदलाव है—ऑनलाइन ट्रेन टिकट बुकिंग के नियम बदलने जा रहे हैं, जो केवल आधार वेरिफिकेशन वाले यात्रियों पर लागू होंगे। सिर्फ इतना ही नहीं, अगर आप NPS, UPS, अटल पेंशन योजना या NPS लाइट से जुड़े हैं, तो पेंशन नियमों में भी बदलाव होने वाला है, जो आपके अकाउंट और फीस संरचना को सीधे प्रभावित करेगा।  1. LPG सिलेंडर की कीमतों में बदलाव अक्टूबर में सबसे ज्यादा निगाह LPG सिलेंडर की कीमतों पर होगी, क्योंकि यह सीधे रसोई के बजट को प्रभावित करता है। बीते कुछ महीनों में 19 किग्रा वाले गैस सिलेंडर की कीमतों में बदलाव आया है, लेकिन 14 किग्रा वाले घरेलू सिलेंडर की कीमतें लंबे समय से स्थिर रही हैं। दिल्ली, मुंबई, कोलकाता और चेन्नई समेत देश के बड़े शहरों में इसका भाव आखिरी बार 8 अप्रैल 2025 को बढ़ा था। इस बार आम जनता को कीमतों में राहत की उम्मीद है। वहीं, केवल घरेलू गैस ही नहीं—ATF, CNG और PNG की कीमतों में भी संशोधन होने की संभावना है, जो रसोई से लेकर परिवहन तक हर जगह असर डाल सकता है। 2. रेलवे ऑनलाइन टिकट बुकिंग में नया नियम रेलवे ने टिकट बुकिंग में धांधली रोकने के लिए नया कदम उठाया है। अक्टूबर की शुरुआत से रेलवे टिकट बुकिंग में बड़ा बदलाव होने जा रहा है। इंडियन रेलवे ने धांधली रोकने के मकसद से 1 अक्टूबर 2025 से नया नियम लागू किया है। इसके तहत रिजर्वेशन खुलने के पहले 15 मिनट में केवल वही यात्री ऑनलाइन टिकट बुक कर पाएंगे, जिनका आधार (Aadhaar) वेरिफिकेशन पूरा हो चुका होगा। यह नियम IRCTC की वेबसाइट और ऐप दोनों पर लागू होगा। वहीं, कंप्यूटरीकृत PRS काउंटर से टिकट लेने वाले यात्रियों के लिए प्रक्रिया पहले जैसी ही रहेगी। इस बदलाव का मकसद है ऑनलाइन टिकट बुकिंग में पारदर्शिता बढ़ाना और धोखाधड़ी पर रोक लगाना। यात्रियों के लिए यह नियम सुरक्षा और सुविधा दोनों को ध्यान में रखते हुए बनाया गया है। 3. पेंशन नियमों में बदलाव अक्टूबर से NPS, UPS, अटल पेंशन योजना और NPS लाइट अकाउंटधारकों के लिए नए नियम लागू होंगे। पेंशन फंड रेगुलेटरी एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी (PFRDA) ने सेंट्रल रिकॉर्डकीपिंग एजेंसियों (CRA) द्वारा वसूली जाने वाली फीस में बदलाव किया है। अब सरकारी कर्मचारियों के लिए नया PRAN खोलने पर E-PRAN किट के लिए 18 रुपये और फिजिकल PRAN कार्ड के लिए 40 रुपये चार्ज देना होगा। सालाना मेंटेनेंस शुल्क 100 रुपये प्रति अकाउंट रहेगा। वहीं, APY और NPS लाइट सब्सक्राइबर्स के लिए फीस और भी आसान हो गई है—PRAN ओपनिंग और एनुअल मेंटेनेंस दोनों केवल 15 रुपये, और ट्रांजैक्शन चार्ज शून्य। इस बदलाव से पेंशन अकाउंट को मैनेज करना आसान और पारदर्शी हो जाएगा, जिससे पेंशनर्स की सुविधा बढ़ेगी और खर्च कम होगा। 4. UPI फीचर्स में बदलाव अक्टूबर की शुरुआत से डिजिटल पेमेंट यूजर्स के लिए भी बड़ा बदलाव लागू होगा। अगर आप PhonePe, Google Pay या Paytm जैसे UPI ऐप्स इस्तेमाल करते हैं, तो NPCI द्वारा किए जा रहे नए बदलावों से प्रभावित होंगे। रिपोर्ट्स के अनुसार, NPCI सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने वाले P2P (Peer-to-Peer) ट्रांजैक्शन फीचर को हटा सकता है। यह कदम यूजर की सुरक्षा बढ़ाने और वित्तीय धोखाधड़ी रोकने के उद्देश्य से उठाया गया है। यह नया नियम 1 अक्टूबर 2025 से सभी प्रमुख UPI ऐप्स पर लागू होगा। 29 जुलाई के सर्कुलर में इस बदलाव की जानकारी पहले ही साझा की जा चुकी है। 5. बैंकिंग छुट्टियों का लंबा महीना त्योहारों के महीने अक्टूबर में बैंकिंग कार्यों की प्लानिंग पहले से करना जरूरी है। भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा जारी October Bank Holiday List देखकर ही घर से निकलें, ताकि बैंक बंद होने की वजह से कोई परेशानी न हो। महीने की शुरुआत दुर्गा पूजा की छुट्टी से होगी, इसके बाद पूरे महीने में महात्मा गांधी जयंती, दशहरा, लक्ष्मी पूजा, महार्षि वाल्मीकि जयंती, करवा चौथ, दिवाली, गोवर्धन पूजा, भाईदूज और छठ पूजा सहित कुल 21 छुट्टियां पड़ रही हैं। इसमें दूसरे और चौथे शनिवार के साथ ही रविवार का साप्ताहिक अवकाश भी शामिल है। ध्यान रखें, Bank Holidays राज्यों और शहरों के हिसाब से अलग-अलग हो सकती हैं, इसलिए बैंकिंग काम से पहले सूचि अवश्य चेक करें।