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मनोहर लाल खट्टर का आगाह: हर देश के नियमों का पालन करें, अवैध रास्ते से विदेश न जाएं

रोहतक  केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर ने अमेरिका से डिपोर्ट में हुए हरियाणा के 50 लोगों को लेकर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा विधानसभा चुनाव के दौरान मैंने युवाओं से अपील की थी कि डंकी रूट से विदेश ना जाएं। हमारी सरकार युवाओं को विदेश में भेजने के लिए प्लेस्टमेंट करवाती है। विधिवत तरीके से विदेश में जाएं। हर देश अपने नियमों के अनुसार कार्रवाई करता है। उन्होंने कहा भारत ने भी अवैध रूप से  यहां रह रहे बांग्लादेशियों को डिपोर्ट किया था।  बता दें कि अमेरिका में अवैध रूप से रह रहे 50 हरियाणवियों को भारत निर्वासित किया गया है। इनमें सबसे अधिक करनाल के 16 व कैथल के 14 युवक हैं। इनके अलावा कुरुक्षेत्र व अंबाला के पांच-पांच, यमुनानगर के चार, जींद के तीन, रोहतक व पानीपत का एक-एक युवक शामिल है।  अमेरिका के एक विशेष विमान में ये सभी दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट उतरे। सूचना पाकर दिल्ली एयरपोर्ट पहुंची हरियाणा की स्थानीय पुलिस को उनके-उनके जिले के निवासी लोगों को सौंपा गया। पहले भी 604 लोग हो चुके हैं डिपोर्ट इसी साल जनवरी से लेकर जुलाई तक हरियाणा के 604 युवाओं को अमेरिका से डिपोर्ट किया जा चुका है। सूत्रों के अनुसार तीन नवंबर को एक और जत्थे के आने की संभावना है। उसमें आने वाले हरियाणा के लोगों के दस्तावेजों का सत्यापन पुलिस कर रही है। अमेरिका में डोनाल्ड ट्रंप के राष्ट्रपति बनने के बाद अवैध प्रवासियों को लेकर सख्ती बरती जा रही है। वीजा के नियमों को भी सख्त किया गया है। 

ब्लास्ट प्लान फेल: पाकिस्तान से चंडीगढ़ भेजा गया 2.5 किलो RDX, दिवाली पर था धमाका तय

चंडीगढ़ बब्बर खालसा इंटरनेशनल के आतंकवादी मनप्रीत सिंह उर्फ टिड्डी ने ज्वाइंट इंटेरोगेशन में बताया कि पकड़े गए आरडीक्स को चंडीगढ़ पहुंचाना था और दिवाली पर ब्लास्ट को अंजाम देना था। इसके निर्देश यूके और आर्मेनिया में बैठे आतंकियों से मिलने थे। सुरक्षा एजेंसियों ने दिवाली को देखते हुए सतर्कता काफी बढ़ा दी थी जिस वजह से टिड्डी ने आरडीएक्स को छिपाकर रख दिया था। सुरक्षा एजेंसियों की सख्ती की वजह से आतंकी इस विस्फोटक को समय पर निकाल नहीं पाए।  इस साजिश को पाकिस्तान की एजेंसी आईएसआई के माध्यम से विदेशी आतंकियों के जरिये अंजाम दिया जाना था जिसे स्टेट स्पेशल ऑपरेशन सेल ने विफल कर दिया। गौरतलब है कि आरडीएक्स, आईईडी और पिस्तौल को पाकिस्तान से ड्रोन के माध्यम से अजनाला के पास फेंका गया था। पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया जहां से उसे दो दिन के रिमांड पर भेज दिया गया है। टिड्डी ने चंडीगढ़ में पहुंचाना था आरडीएक्स पूछताछ में खुलासा हुआ है कि दोनों आइईडी मनप्रीत सिंह उर्फ टिड्डी ने चंडीगढ़ पहुंचानी थीं। आगे किसे डिलीवरी देनी थी, इसके बारे में अभी पता नहीं चला है। विस्फोटक की डिलीवरी लेने वाले आतंकी का नाम उसे मौके पर ही विदेश में बैठे आतंकियों से पता चलना था। मनप्रीत सिंह के मोबाइल की भी जांच की जा रही हैं। सुरक्षा एजेंसियों को पता चका है कि आरोपी आतंकी संगठन बीकेआई के हरविंदर सिंह उर्फ रिंदा के साथ सीधे बात करता था। दोनों आइईडी उसे पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई के कहने पर दी गई थीं। डेढ़ साल जेल में रहा टिड्डी  मनप्रीत सिंह ने यह भी खुलासा किया है कि उसके यूएस, ऑस्ट्रेलिया और जर्मनी में मौजूद कई गैंगस्टरों से सीधे संपर्क थे जिनमें अगवान, निशान जोड़ियां, राजा हरूवाल, साजन मसीह प्रमुख हैं। टिड्डी के खिलाफ गुरदासपुर में असलहा एक्ट के आरोप में दो केस दर्ज हैं। डेढ़ साल तक वह जेल में रह चुका है और वहीं से उसके संबंध बीकेआई के आतंकी हरविंदर सिंह रिंदा से बने। रिंदा ने ही उसे उक्त गैंगस्टरों से मोबाइल के जरिए संपर्क करवाया था।

Kawasaki ने पेश की नई KLE500, जानें ग्लोबल मार्केट वेरिएंट का डिजाइन और दो वेरिएंट की खासियत

नई दिल्ली हैदराबाद: दोपहिया वाहन निर्माता कंपनी Kawasaki ने अपनी नई Kawasaki KLE500 का खुलासा कर दिया है. इस मोटरसाइकिल को EICMA 2024 में पहली बार प्रदर्शित किया गया था. कंपनी ने मोटरसाइकिल को अभी अमेरिकी बाज़ार में लॉन्च किया गया है, और इसे दो वेरिएंट – स्टैंडर्ड और SE में उतारा गया है. 2026 Kawasaki KLE500 का इंजन नई Kawasaki KLE500 में वही 451cc, पैरेलल-ट्विन, लिक्विड-कूल्ड इंजन इस्तेमाल किया गया है, जो Kawasaki Ninja 500 और Eliminator 500 में भी मिलता है. हालांकि कंपनी ने अधिकतम आउटपुट आंकड़ों की पुष्टि नहीं की है, लेकिन यह इंजन 45.4 bhp की पावर और 42.6 Nm का टॉर्क उत्पन्न करता है. कंपनी ने KLE में Versys 650 जैसे बड़े फ्रंट और रियर स्प्रोकेट दिए हैं. 2026 Kawasaki KLE500 का डिजाइन इसके डिज़ाइन की बात करें तो, Kawasaki KLE500 में कॉम्पैक्ट हेडलाइट, लंबी विंडस्क्रीन और पतले फ्यूल टैंक के साथ रैली से प्रेरित स्टाइलिंग दी गई है. इसे स्टील ट्रेलिस फ्रेम पर बनाया गया है, जिसका वज़न लगभग 19 किलोग्राम है. मोटरसाइकिल में सस्पेंशन के लिए 210 मिमी ट्रेवल वाला नॉन-एडजस्टेबल 43 मिमी KYB USD फोर्क इस्तेमाल किया गया है, जबकि बाइक के रियर में 200 मिमी ट्रेवल वाला प्रीलोड-एडजस्टेबल मोनोशॉक मिलता है. Kawasaki ने बताया है कि सीट की ऊंचाई 860 मिमी रखी है, जबकि इसका ग्राउंड क्लीयरेंस अपेक्षाकृत कम 172 मिमी है. तुलना के लिए, Royal Enfield Himalayan 450 में 230 मिमी का ग्राउंड क्लीयरेंस मिलता है. दोनों बाइक्स में 21-इंच का फ्रंट और 17-इंच का रियर व्हील सेटअप समान है. Kawasaki KLE500 के मानक वेरिएंट में एलसीडी इंस्ट्रूमेंट कंसोल है, जबकि SE वेरिएंट में 4.3 इंच का TFT डिस्प्ले इस्तेमाल किया गया है. इसके SE वेरिएंट में लंबी विंडस्क्रीन, नकल गार्ड, बड़ी स्किड प्लेट और फुल एलईडी लाइटिंग भी दी गई है. 2026 Kawasaki KLE500 की कीमत कीमत की बात करें तोअमेरिका में इसके बेस KLE500 को 6,599 अमेरिकी डॉलर यानी लगभग 5.80 लाख रुपये है, जबकि हाई-स्पेक SE वेरिएंट की कीमत 7,499 अमेरिकी डॉलर यानी करीब 6.58 लाख रुपये है. तुलना के लिए, अमेरिका में Kawasaki Ninja 500 की रीटेल कीमत 5,799 अमेरिकी डॉलर यानी करीब 5.09 लाख रुपये है. वहीं, भारत में CKD आयात के रूप में इसकी कीमत 5.66 लाख रुपये है. इसके आधार पर, अगर कंपनी नई Kawasaki KLE500 को इसी रास्ते से भारत लाती है, तो इसकी कीमत लगभग 6.50 लाख रुपये (एक्स-शोरूम) हो सकती है. Kawasaki KLE500 के साल 2026 में भारत आने की उम्मीद है.

क्रिकेटर श्रेयस अय्यर सिडनी के अस्पताल में ICU में, तीसरे वनडे में चोटिल होने के बाद स्वास्थ्य पर चिंता

मुंबई   भारतीय फैंस के लिए सोमवार को एक बीड़ दुखद खबर ये सामने आई है कि, तीसरे वनडे में कैच लेते समय चोटिल हुए श्रेयस अय्यर को सिडनी में ही इंटेंसिव केयर यूनिट (ICU) में भर्ती कराया गया हैं. लेकिन वो खतरे से बाहर हैं और बीसीसीआई की मेडिकल टीम की निगरानी में हैं. कैच लेते समय हुए थे चोटिल दरअसल वनडे टीम के उपकप्तान श्रेयस अय्यर को ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ तीसरे वनडे मैच के दौरान कैच लेते समय चोटिल हो गए थे. अय्यर ने बैकवर्ड पॉइंट से पीछे की ओर दौड़ते हुए एलेक्स कैरी का शानदार कैच लिया था, इस दौरान उन्हें अपनी बाईं पसली में चोट लग गई थी और शनिवार को ड्रेसिंग रूम में लौटने के तुरंत बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया.   सात दिनों तक ऑब्जर्वेशन में रहेंगे रिपोर्ट में पता चला की चोट से पसली में ब्लीडिंग हुई है. जिसके कारण उनको सिडनी के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया है और वह फिलहाल इंटेंसिव केयर यूनिट (ICU) में हैं. पीटीआई की रिपोर्ट के अनुसार श्रेयस पिछले कुछ दिनों से ICU में हैं और वह रिकवरी के आधार पर दो से सात दिनों तक ऑब्जर्वेशन में ही रहेंगे, क्योंकि ब्लीडिंग के कारण इन्फेक्शन फैलने से रोकना जरूरी है. उनकी हालत स्थिर है रिपोर्ट में ये भी कहा गया कि टीम डॉक्टर और फिजियो ने कोई चांस नहीं लिया और उन्हें तुरंत अस्पताल ले गए. जहां अब उनकी हालत स्थिर हैं, लेकिन यह जानलेवा हो सकता था. इस चोट की वजह से अब अय्यर की रिकवरी का समय लंबा हो सकता है, और अंदरूनी ब्लीडिंग की वजह से उनको ठीक होने में ज्यादा समय लग सकता है. 31 साल के अय्यर को कम से कम एक हफ्ते तक सिडनी के अस्पताल में रहने की उम्मीद है, जिसके बाद ही उनको भारत लौटने की अनुमति मिलेगी. अय्यर भारत की T20 टीम का हिस्सा नहीं हैं. बता दें कि ऑस्ट्रेलिया से तीन वनडे मैचों की सीरीज के बाद भारतीय टीम अब 29 अक्टूबर से पांच टी20 मैचों की सीरीज खेलने वाली है.  

सियासी भूचाल: BJP ने एक झटके में 4 नेताओं को दिखाया दरवाज़ा

पटना बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की सरगर्मियों के बीच भारतीय जनता पार्टी (BJP) में अनुशासनहीनता का बम फट पड़ा है। पार्टी ने अपने चार वरिष्ठ नेताओं को निष्कासित कर यह साफ कर दिया है कि NDA के साझा उम्मीदवारों के खिलाफ जाने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। चुनावी मौसम में यह कार्रवाई बीजेपी के अंदर बढ़ती असंतोष की आवाज़ों को शांत करने की रणनीति मानी जा रही है। पार्टी लाइन से हटे, तो हुई कार्रवाई सूत्रों के मुताबिक, जिन चार नेताओं पर गाज गिरी है, उनमें वरुण सिंह, अनूप कुमार, पवन यादव और सूर्य भान सिंह शामिल हैं। बताया जा रहा है कि ये चारों नेता NDA समर्थित उम्मीदवारों के विरुद्ध अलग-अलग सीटों से स्वतंत्र प्रत्याशी के रूप में मैदान में उतर गए थे। पार्टी नेतृत्व ने इसे सीधी अवज्ञा मानते हुए उन्हें छह वर्षों के लिए निष्कासित कर दिया है। कहां-कहां से थे उम्मीदवार वरुण सिंह बहादुरगंज, अनूप कुमार गोपालगंज, पवन यादव कहलगांव और सूर्य भान सिंह बड़हरा विधानसभा सीट से चुनावी अखाड़े में थे। इन चारों पर आरोप है कि उन्होंने पार्टी के फैसले और अनुशासन का उल्लंघन करते हुए गठबंधन के उम्मीदवारों के खिलाफ ताल ठोंकी। JDU ने भी की सख्ती इससे पहले मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की पार्टी जनता दल (यू) ने भी बागी सुर अपनाने वाले 16 नेताओं को बाहर का रास्ता दिखाया था। पार्टी के प्रदेश महासचिव चंदन कुमार सिंह ने उनके निष्कासन की घोषणा की थी। JDU का कहना था कि गठबंधन के खिलाफ जाकर चुनाव लड़ना या संगठन को कमजोर करना सीधे तौर पर अनुशासनहीनता की श्रेणी में आता है। कौन-कौन हुए बाहर जिन नेताओं पर कार्रवाई हुई, उनमें कई पूर्व विधायक, मंत्री और एमएलसी शामिल हैं — जैसे मुंगेर के पूर्व मंत्री शैलेश कुमार, सीवान के श्याम बहादुर सिंह, भोजपुर के रणविजय सिंह, शेखपुरा के सुदर्शन कुमार, और गोपालपुर के विधायक नरेन्द्र कुमार नीरज उर्फ गोपाल मंडल आदि। इन सभी को पार्टी से बाहर कर गठबंधन में एकता का संदेश देने की कोशिश की गई है। चुनावी रणनीति पर बड़ा असर बीजेपी और जेडीयू दोनों की यह सख्ती इस बात का संकेत है कि NDA इस बार बगावती सुरों को किसी भी कीमत पर दबाना चाहता है। अमित शाह के हालिया बिहार दौरे के बाद यह स्पष्ट है कि पार्टी बूथ स्तर तक संगठन को मज़बूत करने और विरोधी खेमे को एकजुटता का संदेश देने की रणनीति पर काम कर रही है।  

SIT की कार्रवाई: जहरीले कफ सिरप केस में श्रीसन फार्मा के मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव सतीश वर्मा को छिंदवाड़ा से अरेस्ट किया

भोपाल   मध्य प्रदेश में जहरीले कोल्ड्रिफ कफ सिरप केस में एक और बड़ी कार्रवाई की गई है। इसी कड़ी में एसआईटी ने मामले में बड़ा एक्शन लेते हुए छठवीं गिरफ्तारी की है। श्रीसन फार्मा कंपनी के मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव (MR) सतीश वर्मा को छिंदवाड़ा से हिरासत में लिया है। SIT के अधिकारी जितेंद्र सिंह जाट ने लंबी जांच के बाद श्रीसन फार्मा कंपनी में कई वर्षों से कार्यरत एमआर सतीश वर्मा को उनके निवास कूकड़ा जगत छिंदवाड़ा से गिरफ्तार किया और उसे पूछताछ के लिए परासिया ले जाया गया है। अब तक इनकी हुई गिरफ्तारी -डॉक्टर प्रवीण सोनी -जी रंगनाथन -राजेश सोनी न्यू अपना फार्मा -सौरभ जैन अपना मेडिकल फार्मासिस्ट -महिला फार्मासिस्ट के माहेश्वरी कांचीपुरा -एमआर सतीश वर्मा छिंदवाड़ा अबतक 24 मासूमों की जा चुकी जान आपको बता दें कि, छिंदवाड़ा के परासिया के सिविल अस्पताल में शिशु रोग विशेषज्ञ डॉक्टर प्रवीन सोनी अपने निजी क्लीनिक में बच्चों का इलाज कर रहे थे। निजी प्रैक्टिस के दौरान शिशुओं को ऐसी दवाइयां पर्चे पर लिखी गई, जिसे पीने के बाद बच्चों को तेज बुखार और पेशाब में कठिनाई शुरु हो गई, जिसने देखते ही देखते मासूमों की किडनियां प्रभावित कर दी पर विपरीत प्रभाव पड़ा और 24 बच्चों की मौत हो गई थी।

उज्जैन में महाकाल मंदिर में पहुंचे श्रीकांत, भस्म आरती में भाग लेकर पूजा और आशीर्वाद प्राप्त किया

 उज्जैन  श्री महाकालेश्वर मंदिर में सोमवार सुबह आयोजित भस्म आरती में भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व खिलाड़ी कृष्णमाचारी श्रीकांत शामिल हुए। उन्होंने भगवान महाकाल के दर्शन कर पूजा-अर्चना की और सुख-समृद्धि की कामना की। भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान कृष्णमाचारी श्रीकांत ने आज प्रातःकाल भस्म आरती में भगवान श्री महाकालेश्वर के मंदिर में दर्शन लाभ लिया। भगवान महाकालेश्वर का पूजन-अर्चन पुजारी आकाश गुरु द्वारा विधि-विधान से कराया। इस अवसर पर श्री महाकालेश्वर मंदिर प्रबंध समिति की ओर से भस्म आरती प्रभारी आशीष दुबे ने उनका सम्मान किया। श्रीकांत ने मंदिर में व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए भगवान महाकाल से देशवासियों की सुख-समृद्धि एवं कल्याण की कामना की। भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने भी किए थे दर्शन कुछ दिनों पूर्व भारतीय महिला क्रिकेट टीम जब इंदौर में वर्ल्ड कप मैच खेलने पहुंची थी तो उन्होंने ने भी भगवान महाकाल की भस्म आरती के दर्शन किए थे। सभी ने देश की तरक्की और टीम इंडिया की जीत के लिए प्रार्थना भी की थी। महाकाल महालोक बनने के बाद से यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। फिल्म और क्रिकेट के सितारों सहित राजनेता भी बाबा महाकाल का आशीर्वाद लेने आते हैं।  

VIP दर्शन पर नई व्यवस्था: महाकाल मंदिर में लाइव मॉनिटरिंग से नजर होगी हर खास मेहमान और आम श्रद्धालु पर

उज्जैन  उज्जैन के प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में अब प्रोटोकॉल दर्शन व्यवस्था को और अधिक प्रभावी और पारदर्शी बनाने के लिए टेक्नोलॉजी का सहारा लिया जा रहा है। मंदिर में वीआईपी श्रद्धालुओं के दर्शन के दौरान रियल टाइम में उनकी गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। यह व्यवस्था मंदिर प्रशासक प्रथम कौशिक के निर्देशन में लागू की गई है, जिसका उद्देश्य श्रद्धालुओं के अनुभव को और बेहतर बनाना है। इस नई व्यवस्था में जनप्रतिनिधियों, न्यायिक अधिकारियों, नेताओं, अभिनेताओं और मीडिया से जुड़े व्यक्तियों के लिए विशेष प्रोटोकॉल दर्शन की प्रणाली को तकनीकी रूप से सुदृढ़ किया गया है। जब वीआईपी श्रद्धालु मंदिर में दर्शन करने के लिए आते हैं, तो मंदिर के शंख द्वार पर तैनात कर्मचारी उनकी जानकारी को गूगल डॉक्स पर दर्ज करते हैं। यह जानकारी सीधे मंदिर के प्रशासक और सहायक प्रशासक के मोबाइल पर लाइव अपडेट होती है, जिससे सभी गतिविधियों पर तुरंत नजर रखी जा सके। मंदिर प्रशासक प्रथम कौशिक के निर्देशन में यह नई व्यवस्था लागू की गई है। इसमें जनप्रतिनिधियों, न्यायिक अधिकारियों, नेताओं, अभिनेताओं और मीडिया से जुड़े उन लोगों के लिए विशेष प्रोटोकॉल दर्शन व्यवस्था को तकनीकी रूप से मजबूत किया गया है, जो पूर्व सूचना या अनुशंसा के आधार पर दर्शन के लिए आते हैं। जब कोई वीआईपी श्रद्धालु दर्शन के लिए आता है, तो मंदिर के शंख द्वार पर तैनात दो कर्मचारी कंप्यूटर पर उसकी जानकारी गूगल डॉक्स में एंटर करते हैं। ये जानकारी सीधे मंदिर के प्रशासक प्रथम कौशिक और सहायक प्रशासक आशीष पलवड़िया के मोबाइल पर लाइव होती है। कौन आया, कब आया सब कुछ रिकॉर्ड में     श्रद्धालु कब मंदिर पहुंचे     किस गेट से एंट्री की     कितने समय में दर्शन किए     कितने लोग साथ आए     किसने प्रोटोकॉल दर्शन के लिए अनुरोध किया     सभी नामित व्यक्तियों ने दर्शन किया या अतिरिक्त लोग शामिल थे इसके साथ ही यह भी देखा जा रहा है कि वीआईपी को रिसीव किसने किया और उनके प्रोटोकॉल दर्शन की प्रक्रिया में कौन-कौन कर्मचारी शामिल रहा। तीन स्तर पर चेकिंग और मोबाइल पर फीड प्रोटोकॉल पॉइंट्स की जानकारी तीन स्थानों पर चेक की जा रही है और इन तीनों जगह की लाइव फीड अधिकारियों के मोबाइल पर उपलब्ध हो रही है। सहायक प्रशासक आशीष पलवड़िया के अनुसार, दिनभर में प्रोटोकॉल दर्शन करने वाले श्रद्धालुओं की संख्या, उन्हें नंदी हॉल व जलद्वार तक दर्शन की व्यवस्था और पूरी गतिविधि की लाइव मॉनिटरिंग की जा रही है। यह तकनीकी व्यवस्था अक्टूबर के पहले हफ्ते में शुरू की गई है और इसके प्रभावी नतीजे भी सामने आ रहे हैं। जानिए इस नई व्यवस्था की जरूरत क्यों पड़ी? महाकालेश्वर मंदिर में हर साल लाखों श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं। इनमें से कई श्रद्धालु प्रोटोकॉल व्यवस्था के तहत दर्शन करते हैं। इस व्यवस्था के तहत जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, पुलिस, न्यायिक अधिकारियों आदि को विशेष अनुमति दी जाती है। इसके लिए प्रति व्यक्ति 250 रुपए मंदिर में दान स्वरूप जमा करना अनिवार्य है। हालांकि, बीते साल में इस व्यवस्था में कई बार गड़बड़ियां सामने आईं हैं। मंदिर समिति द्वारा की गई जांच में यह पाया गया कि कई बार अधिक संख्या में श्रद्धालु दर्शाए गए और उनके माध्यम से अवैध रूप से एंट्री कराई गई। साथ ही, रुपयों के लेन-देन के आरोप भी मंदिर कर्मचारियों पर लगे हैं। इन्हीं अनियमितताओं पर लगाम लगाने के लिए अब मंदिर समिति ने प्रोटोकॉल दर्शन व्यवस्था को पूरी तरह ऑनलाइन करने का निर्णय लिया है। इसका उद्देश्य पारदर्शिता बढ़ाना और अवैध वसूली पर रोक लगाना है। 10 माह पहले पकड़ा गया था अवैध वसूली का रैकेट करीब 10 महीने पहले महाकाल मंदिर में वीआईपी और प्रोटोकॉल दर्शन के नाम पर अवैध वसूली का बड़ा मामला सामने आया था। इसमें उत्तर प्रदेश, गुजरात सहित अन्य राज्यों से आने वाले श्रद्धालुओं से 1100 से 2000 रुपए तक वसूले जा रहे थे। जांच में सामने आया कि इस ठगी में मंदिर के कुछ कर्मचारी, पुरोहित और सुरक्षा गार्ड शामिल थे। मंदिर समिति ने इस मामले में करीब 13 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी, जिसमें से 6 कर्मचारियों को निलंबित कर दिया गया था। ऐसे होता था घोटाला     महाकाल मंदिर में प्रोटोकॉल दर्शन के तहत न्यायिक अधिकारियों, मीडिया कर्मियों, जनप्रतिनिधियों और अन्य वीआईपी श्रद्धालुओं को नंदी हॉल तक जाने की अनुमति दी जाती है। आम श्रद्धालु भी 250 रुपए की रसीद के माध्यम से बिना लंबी कतार के दर्शन कर सकते हैं।     इसी व्यवस्था का दुरुपयोग करते हुए कुछ कर्मचारी श्रद्धालुओं को विशेष दर्शन और जल अर्पण का झांसा देकर पुजारियों और पुरोहितों से मिलवाते थे। इसके बाद प्रत्येक श्रद्धालु से 1100 से 2000 रुपए तक की अवैध वसूली की जाती थी।     यह राशि मंदिर समिति के खाते में जानी चाहिए थी, उसे कर्मचारियों ने खुद हड़प लिया। इस पूरे मामले के उजागर होने के बाद मंदिर समिति ने सख्त कदम उठाते हुए अब संपूर्ण प्रोटोकॉल व्यवस्था को डिजिटल और ऑनलाइन करने का निर्णय लिया है।

अन्नकूट महोत्सव: रणजीत हनुमान मंदिर में 30 अक्टूबर को विशेष प्रसादी, 101 मंदिरों तक पहुंचेगी भोग सामग्री

इंदौर  इंदौर के पश्चिम क्षेत्र में स्थिति प्राचीन रणजीत हनुमान मंदिर में 30 अक्टूबर को चलित अन्नकूट महोत्सव का आयोजन होगा। इसमें 50 हजार से ज्यादा भक्तों के लिए भोजन प्रसादी बनेगी।29 अक्टूबर को भट्टी पूजन के साथ प्रसादी बनाने की शुरुआत की जाएगी। अन्नकूट के लिए पूड़ी, सब्जी, नुक्ती और भजिए बनाए जाएंगे। पैकेट से लोग प्रसादी ले सकेंगे। एक दिन पहले होगी भोजन प्रसादी की शुरुआत मंदिर में ही भक्त मिलकर सब्जी काटने का काम सहित अन्य काम करेंगे। रणजीत हनुमान मंदिर के मुख्य पुजारी पं.दीपेश व्यास ने बताया कि 29 अक्टूबर को सुबह भट्टी पूजन किया जाएगा। जिसके बाद भक्तों के लिए भोजन प्रसादी बनाने की शुरुआत होगी। 50 हजार भक्तों के लिए इतना सामान लगेगा आटा 50 क्विंटल बेसन 16 क्विंटल शक्कर 10-11 क्विंटल सब्जी 60 क्विंटल मूंगफली का तेल 130 डिब्बे शुद्ध घी 55 डिब्बे   101 मंदिरों में जाएगा मंदिर से भोग पं.व्यास ने बताया कि 30 अक्टूबर को बाबा का भव्य शृंगार किया जाएगा। छप्पन भोग बाबा को अर्पित किए जाएंगे। 6.30 बजे बाबा की आरती के साथ चलित अन्नकूट महोत्सव की शुरुआत होगी। रणजीत हनुमान मंदिर से परंपरागत रूप से शहर के 101 मंदिरों में भोग भेजा जाएगा। वहीं, शाम से चलिए अन्नकूट महोत्सव की शुरुआत होगी जो देर रात तक जारी रहेगा। हालांकि, चलित भंडारा होने से यहां आने वाले भक्तों को भी परेशानी नहीं होगी। 10-15 मिनट में मिल जाएगी प्रसादी पंडित दीपेश ने बताया कि मंदिर के ग्राउंड में पहले बैठाकर प्रसादी खिलाई जाती थी, जिसके कारण मंदिर के बाहर लोगों की काफी भीड़ जमा हो जाती थी। धक्का-मुक्की, भगदड़ जैसी स्थिति बन जाती थी। हालांकि पिछले समय हुई कुछ अप्रिय घटनाओं के बाद से यहां की व्यवस्थाओं में बदलाव किया है। चलित व्यवस्था होने से लोगों को 4-4 घंटे लाइन में लगने की जरूरत नहीं पड़ेगी। 10 से 15 मिनट में भक्तों का नंबर आ जाएगा और वे आसानी से भोजन प्रसादी ले सकेंगे। साथ ही महिला-पुरुषों की लाइन भी अलग-अलग रहेगी। बता दें, अन्नकूट में कोई सामग्री दान करना चाहे या राशि देने चाहे तो वह काउंटर पर दे सकता है। अलग-अलग काउंटर पर रहेगी व्यवस्था मंदिर के मैदान में ही अलग-अलग काउंटर की व्यवस्था रहेगी। जिसमें भक्त मंडल के करीब 500 सदस्य भी व्यवस्था संभालेंगे। यहां आने वाले भक्तों को एक काउंटर से पैकेट मिलेगा। जिसके बाद अगले काउंटर पर पूड़ी, उसके बाद सब्जी, उसके बाद नुक्ती और उसके बाद भजिए पैकेट में मिलेंगे। इसके बाद भक्त वहां से पैकेट को अपने घर भी ले सकते है या बाहर खड़े होकर खा भी सकते हैं। व्यवस्था संभालने के लिए भक्त मंडल के सदस्यों के साथ ही सिक्योरिटी गार्ड और पुलिस-प्रशासन की व्यवस्था रहेगी।  

डॉ. मोहन यादव इंदौर पहुंचे — 8 करोड़ रुपए की फूड एंड ड्रग लैब का उद्घाटन और शहर को मिलेंगी नई विकास सुविधाएँ

 इंदौर मुख्यमंत्री मोहन यादव आज सोमवार को इंदौर में कई कार्यक्रमों में शामिल होंगे। वे नंदानगर गोल स्कूल प्रांगण में कथा‑कार्यक्रम से अपने दिन की शुरुआत करेंगे। इसके बाद वे तलावली‑चांदा में 8.30 करोड़ की लागत से बनी नई फूड एंड ड्रग लैब का उद्घाटन करेंगे। यह लैब शहर की स्वास्थ्य व सुरक्षा पर्वाह को नया आयाम देगी। इसके बाद सीएम मोहन यादव ब्लू लोटस गार्डन, स्कीम‑140 में बरसाना गार्डन और ब्रिलियंट कन्वेंशन सेंटर नक्षत्र गार्डन में भी कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगे।  इन विकास कामों का करेंगे भूमिपूजन मेयर पुष्यमित्र भार्गव ने बताया विधानसभा 3 और 4 में अमृत-2.0 योजना और मुख्यमंत्री नगरीय क्षेत्र अधोसंरचना निर्माण योजना के तह 55 करोड़ से अधिक के विभिन्न विकास कामों का शुभारंभ करेंगे। इसी कड़ी में अमृत-2.0 योजना के छावनी चौराहा से चंद्रभागा ब्रिज तक 6 करोड़ की लागत से 300 एमएम व्यास से 900 एमएम व्यास की कुल लंबाई 3.0 किमी. की सीवर लाइन बिछाई जाने का काम का शुभारंभ करेंगे। इससे क्षेत्र के रहवासियों को जलमल निकासी संबंधित आवश्यक सुविधाओं और कान्ह नदी शुद्धिकरण में लाभ मिलेगा। मुख्यमंत्री इसी योजना के तहत विधानसभा 4 के सुदामा नगर सेक्टर डी और ई में 30 करोड़ की लागत से कुल 34.235 किमी सीवर लाइन बिछाने का काम का शुभारंभ करेंगे। ऐसे ही रामबाग चौराहा से अहिल्या आश्रम तक रिव्हर फ्रंट तक19.25 करोड़ की लागत से कुल लंबाई 1.13 किमी से संबंधित विकास काम किया जाएगा। इसमें नदी के दोनों किनारों पर सौंदर्यीकरण संबंधित कार्य किया जाना प्रस्तावित है, जिसमें वाक-वे निर्माण, गेबियन वॉल, पिचिंग, स्ट्रीट लाइट और आकर्षक म्युरल वाल आर्ट आदि काम किए जाना प्रस्तावित है। इस क्षेत्र को एक रमणीय स्थल के रूप में विकसित किया जा सकेगा।