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आईएसएस से लौटे शुभांशु का लखनऊ में होगा भव्य स्वागत और सम्मान

Axiom-4 मिशन पूरा कर हाल ही में भारत लौटे हैं शुभांशु शुक्ला विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग द्वारा किया जा रहा है सम्मान समारोह का आयोजन अंतरिक्ष स्टेशन पर पहुंचने वाले देश के पहले अंतरिक्ष यात्री हैं शुभांशु लखनऊ, लखनऊ के बेटे ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला का मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सोमवार को नागरिक अभिनंदन करेंगे। शुभांशु शुक्ला हाल ही में अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (आईएसएस) से सफल मिशन पूरा कर लौटे हैं। मिशन पूरा कर वह हाल ही में भारत आए हैं और अब पहली बार वह सोमवार को लखनऊ आ रहे हैं। इसी क्रम में योगी सरकार ने देश के नायक को सम्मानित करने का निर्णय लिया है। इस मौके पर डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक समेत कई बड़े नेता भी मौजूद रहेंगे। इस पूरे कार्यक्रम का आयोजन उत्तर प्रदेश के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग द्वारा किया जा रहा है। मिशन पूरा कर वापस लौटे हैं शुभांशु लखनऊ में जन्मे शुभांशु भारतीय वायुसेना के अनुभवी पायलट हैं। वे एक्सिओम-4 मिशन में शामिल होकर पहले भारतीय बने जिन्होंने अंतरिक्ष स्टेशन पर कदम रखा। मिशन के दौरान उन्होंने 60 से ज्यादा वैज्ञानिक प्रयोग किए और दुनिया भर के छात्रों से जुड़े। भारत लौटने के बाद उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी को अंतरिक्ष से लाया हुआ तिरंगा और मिशन पैच भेंट किया था, जो पूरे देश के लिए भावुक क्षण था। अब इसी क्रम में सोमवार को शुभांशु लखनऊ पहुंच रहे हैं और योगी सरकार ने इस अवसर पर उनके सम्मान का महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। साहस, समर्पण और विज्ञान के प्रति संकल्प का गौरवपूर्ण प्रतीक मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुभांशु शुक्ला को उत्तर प्रदेश और पूरे भारत का गौरव बताया है। मिशन पूरा कर वापस धरती पर लौटने पर उन्होंने कहा था कि अंतरिक्ष में भारत का परचम लहराना हर देशवासी के लिए गर्व का विषय है। आपकी उपलब्धि साहस, समर्पण और विज्ञान के प्रति संकल्प का गौरवपूर्ण प्रतीक है। आज हर भारतीय, विशेषकर उत्तर प्रदेश वासी गौरवान्वित है। सीएम ने यह भी कहा कि शुभांशु की सफलता यह साबित करती है कि अब उत्तर प्रदेश का युवा हर क्षेत्र में, चाहे वह विज्ञान हो या तकनीक, दुनिया के मंच पर अपनी छाप छोड़ रहा है। ऐसे में शुभांशु का स्वागत कार्यक्रम आने वाली पीढ़ियों को बड़े सपने देखने और उन्हें सच करने की प्रेरणा देगा।

खेती में आधुनिक तकनीक: ड्रोन से हो रहा नैनो यूरिया का छिड़काव

रायपुर, प्रदेश में किसान खेती-किसानी में नई तकनीकों को अपना रहे हैं। महासमुंद जिले के ग्राम जोगनीपाली में शनिवार को किसानों के बीच ड्रोन तकनीक के माध्यम से नैनो यूरिया का छिड़काव कर प्रदर्शन किया गया। इस अवसर पर अधिकारीयों ने किसानों को पारंपरिक यूरिया के विकल्प के रूप में नैनो यूरिया के लाभों की विस्तृत जानकारी प्रदान की। किसानों को नैनो यूरिया के प्रयोग से लागत में कमी, मिट्टी की उर्वरता में वृद्धि और पर्यावरणीय लाभों के बारे में अवगत कराया गया। कार्यक्रम में क्षेत्र के वरिष्ठ किसान श्री अमृत पटेल, भोगलाल चौधरी, नेहरू चौधरी, चुम्बन लाल, बाबूलाल चौधरी, फागु लाल, शिवप्रसाद, वासुदेव साहू, गणेश साहू सहित लगभग 30 किसान उपस्थित रहे।

टैंकर विस्फोट का भयावह मंजर सामने आया, CCTV फुटेज देख दहल उठे लोग

होशियारपुर/जालंधर  जालंधर-होशियारपुर मार्ग पर स्थित गांव मंडियाला में हुए एल.पी.जी. टैंकर ब्लास्ट मामले में मरने वालों की संख्या बढ़ गई है। इस हादसे का CCTV वीडियो सामने आया है, जिससे पता चलता है कि इस हादसे ने सब कुछ तहस-नहस कर दिया। आपको बता दें कि हादसे में 2 लोगों की मौत हो गई, जबकि करीब 30 लोग घायल हो गए। घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान 5 और लोगों की मौत हो गई। पहले मृतकों की संख्या तीन बताई जा रही थी, और अब 4 और लोगों की मौत हो गई है। इस हादसे में अब तक कुल 7 लोगों की मौत हो चुकी है। 7 लोगों की मौत की पुष्टि डॉ. मनवीर ने की है। मृतकों और घायलों की पहचान मृतकों में सुखजीत सिंह, बलवंत राय, धरमिंदर वर्मा, विजय, मंजीत सिंह, उनकी पत्नी जसविंदर कौर और आराधना वर्मा शामिल हैं। घायलों में बलवंत सिंह, हरबंस लाल, अमरजीत कौर, सुखजीत कौर, ज्योति, सुमन, गुरुमुख सिंह, हरप्रीत कौर, कुसुमा, भगवान दास, लाली वर्मा, सीता, अजय, संजय, राघव, पूजा, अभि आदि शामिल हैं।   हादसे के बाद गुस्साए ग्रामीणों ने रविवार को भी हाईवे पर धरना दिया, जिससे यातायात जाम हो गया। आपको बता दें कि सी.सी.टी.वी. फुटेज में हादसे का समय साफ दिखाई दे रहा है। हादसा शुक्रवार रात 10 बजे हुआ। वीडियो में दिख रहा है कि सब्जियों से भरा एक पिकअप ट्रक एक गैस टैंकर से टकरा जाता है। टक्कर इतनी जोरदार थी कि तुरंत गैस लीक होने लगी। कुछ ही मिनटों में पूरा इलाका गैस से भर गया, जिसके बाद अचानक आग लग गई और ब्लास्ट हुआ। कुछ ही देर में पूरा गांव आग की लपटों में घिर गया।

3 मुख्यमंत्रियों से ज्यादा दौलतमंद हैं CM सैनी, रिपोर्ट में सामने आई चौंकाने वाली बातें

चंडीगढ़ हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी पंजाब के मख्यमंत्री भगवंत मान, उत्तर प्रदेश के मख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ,जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अबदुल्ला और बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से अमीर हैं। वहीं हिमाचल के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू हरियाणा के सीएम सैनी और पंजाब के सीएम मान दोनों से अधिक अमीर हैं। एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (एडीआर) और नेशनल इलेक्शन वॉच की तरफ से देश के सभी 27 राज्यों और 3 केंद्रशासित प्रदेशों के 30 मुख्यमंत्रियों की संपत्तियां, योग्यता, व्यवसाय सहित आपराधिक मामलों का विवरण जारी किया गया है। रिपोर्ट के मुताबिक सबसे कम संपत्तियों में पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी पहले नंबर पर हैं। उनके पास 15.38 लाख रुपये से ज्यादा की संपत्ति है। दूसरे नंबर पर 55.24 लाख रुपये अधिक संपत्ति वाले जम्मू और कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला और केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन 1.18 करोड़ रुपये की संपत्ति के साथ तीसरे स्थान पर है।  दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की संपत्ति सीएम नायब सैनी के बराबर पांच करोड़ रुपये है। रेखा गुप्ता का पैतृक गांव हरियाणा के जुलाना स्थित अपने पैतृक गांव नंदगढ़ है। सीएम रेखा गुप्ता प्रोफेशनल एडवोकेट हैं और उन्होंने ग्रेजुएट की डिग्री हासिल की है। इसी तरह यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ की संपत्ति एक करोड़ है, वह ग्रेजुएट हैं। सीएम योगी के आय का साधन एक जनप्रतिनिधि (पूर्व सांसद और विधायक) के रूप में वेतन और भत्ते हैं। मुख्यमंत्री नायब सैनी के खिलाफ कोई मामला दर्ज नहीं  रिपोर्ट के मुताबिक मुख्यमंत्री नायब सैनी के खिलाफ एक भी आपराधिक मुकदमा नहीं दर्ज है। पंजाब के सीएम मान के खिलाफ चंडीगढ़ में एक मामला और सुखविंदर सिंह सुक्खू के खिलाफ हिमाचल में चार मामले दर्ज हैं। मुख्यमंत्री सैनी के पास पांच करोड़ रुपये की संपत्ति है। सीएम सैनी ग्रेजुएट प्रोफेशनल हैं और उनका स्टोन क्रशर का काम है। इसी तरह पंजाब के सीएम मान के पास एक करोड़ रुपये की संपत्ति है और वह 12वीं पास हैं। सीएम मान का व्यवसाय नेता (राजनीति) है। हिमाचल के पोस्ट ग्रेजुएट सीएम सुक्खू के पास 7 करोड़ की संपत्ति हैैं। सुक्खू ने अपने व्यवसाय में पेंशनभोगी, निजी ठेकेदार, स्व-नियोजित और पार्टी नेता दर्शाया है।   रिपोर्ट से अनुसार पहले नंबर पर आंध्र प्रदेश के सीएम एन चंद्रबाबू नायडू हैं। उनके पास 931 करोड़ से ज्यादा की संपत्ति है। अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पेमा खांडू 332 करोड़ रुपये से अधिक संपत्ति के साथ दूसरे व कर्नाटक के सीएम सिद्धारमैया 51 करोड़ से अधिक संपत्ति के साथ तीसरे स्थान पर हैं।  

नवकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में रोल मॉडल बनकर उभरा मध्यप्रदेश

मुरैना में होगा 600 मेगावॉट ऊर्जा का भंडारण भोपाल मध्यप्रदेश नवकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में रोल मॉडल बनकर उभर रहा है। प्रदेश में स्थापित की गई अनेक अभूतपूर्व परियोजनाओं से सौर ऊर्जा की आपूर्ति न केवल प्रदेश में, बल्कि दिल्ली मेट्रो एवं भारतीय रेल को भी की जा रही है। ओंकारेश्वर में नर्मदा नदी पर विश्व की सबसे बढ़ी फ्लोटिंग सौर परियोजना स्थापित की है। मुरैना में भी एक अभिनव सौर परियोजना स्थापित की जा रही है, जिसमें ऊर्जा भण्डारण कर सुबह और शाम के व्यस्ततम समय (पीक ऑवर्स) में भी प्रदेश को हरित ऊर्जा प्रदाय की जाएगी। इस परियोजना की ऊर्जा भंडारण क्षमता 600 मेगावॉट होगी। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने वर्ष 2030 तक 500 गीगावॉट की नवकरणीय ऊर्जा क्षमता हासिल करने का लक्ष्य रखा है। उनके संकल्प की पूर्ति के लिये मध्यप्रदेश प्रतिबद्ध है और लक्ष्य प्राप्ति के लिये नवकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में निरंतर नवाचार भी कर रहा है। मुरैना में स्थापित होने जा रही अनूठी परियोजना के लिए निवादा प्रक्रिया अंतिम चरण में है। इस परियोजना में सलाहकार आईएफसी की सेवाएं ली गई हैं। साथ ही डेवलपर और निवेशकों के सुझाव भी सम्मिलित किये गए हैं। मुरैना सोलर पार्क में प्राप्त विद्युत् दर भविष्य की सौर ऊर्जा भण्डारण आधारित परियोजनाओं के लिए मानक होगी। परियोजना से प्रदेश में लगभग 4 हजार करोड़ रूपये का निवेश अपेक्षित है। इससे चंबल क्षेत्र का विकास होगा, साथ ही स्थानीय युवाओं के लिये रोज़गार के अवसर भी उपलब्ध होंगे। मुरैना में विश्व-स्तरीय सौर ऊर्जा भण्डारण परियोजना की स्थापना गर्व का विषय है। इस परियोजना से प्रदेश नवकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में एक और कीर्तिमान स्थापित करेगा। मुरैना परियोजना से सौर ऊर्जा केवल दिन में ही नहीं बल्कि सूर्यास्त के बाद भी प्रदाय की जाएगी। नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री श्री राकेश शुक्ला का कहना है कि मुरैना परियोजना राज्य सरकार की सकारात्मक सोच एवं प्रतिबद्धता का प्रमाण है। इस परियोजना और ऐसी अन्य आगामी परियोजनाओं से मध्यप्रदेश, देश ही नहीं बल्कि विश्व के लिए अक्षय ऊर्जा का एक रोल मॉडल होगा। प्रदेश में नवकरणीय ऊर्जा के अधिक उपयोग एवं ऊर्जा सुरक्षा के लिए ऊर्जा भण्डारण आवश्यक है। प्रदेश में दिन के समय हरित एवं सस्ती सौर ऊर्जा उपलब्ध है, परन्तु शाम के पीक ऑवर्स में विद्युत् आपूर्ति कोयला आधारित और महंगी है। मुरैना सोलर पार्क और ऊर्जा भण्डारण, प्रदेश की पीक ऊर्जा आवश्यकताओं को सौर ऊर्जा से पूरा करने की दिशा में पहला कदम है। यह सोलर प्लस बैटरी आधारित परियोजना है, जिसके अंतर्गत शाम 6 से रात 10 बजे तथा सुबह 6 से 9 बजे तक मध्यप्रदेश पॉवर मैनेजमेंट कंपनी लिमिटेड (एमपीपीएमसीएल) की 440 मेगावॉट तक की पीक आवश्यकताएँ पूरी की जाएँगी। मुरैना का 600 मेगावॉट का सोलर पार्क शाम के पीक ऑवर्स में आपूर्ति के लिए दिन में बैटरी को चार्ज करेगा एवं रात के समय एमपीपीएमसीएल द्वारा सुबह के पीक ऑवर्स की आपूर्ति के लिए बैटरी चार्ज की जाएगी। मध्यप्रदेश विद्युत उत्पादन में अग्रणी है। ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट-2025 में नवकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में लगभग पौने 6 लाख करोड़ के निवेश प्रस्ताव मिले। इन निवेशों से 1 लाख 85 हजार नए रोज़गार सृजित होंगे। प्रदेश सरकार का लक्ष्य वर्ष 2030 तक 50 प्रतिशत ऊर्जा, अक्षय स्रोतों से प्राप्त करना है। प्रदेश में 24 हजार 600 से अधिक मेगावॉट बिजली बनाने की वर्तमान में क्षमता मौजूद है। इसे चालू वर्ष 2 हजार मेगावॉट से अधिक बढ़ाने का लक्ष्य है। ओंकारेश्वर में देश की सबसे बड़ी-फ्लोटिंग सौर परियोजना के पहले चरण में 278 मेगावॉट बिजली बनने लगी है। आगर और नीमच में भी बड़े सौर प्लांट शुरू हुए हैं। मुरैना में 800 मेगावॉट की सोलर परियोजना विकसित की जा रही है, जिसमें 600 मेगावॉट की ऊर्जा भंडारण क्षमता भी होगी।

गुप्त ठिकाने पर चल रहा था जुआ, पुलिस ने दबिश देकर 11 बड़ी हस्तियों को पकड़ा

दुर्ग बावन परियों के साथ शहर के धन्ना सेठों के खेलने की खबर पर वैशाली नगर और भिलाई नगर पुलिस टीम की संयुक्त टीम ने छापामार कार्रवाई की. मौके से 11 लोगों को छत्तीसगढ़ जुआ (प्रतिषेध) अधिनियम के तहत गिरफ्तार कर 10 नग मोबाइल के साथ नगद 2,18,000 रुपए जब्त किया गया. जानकारी के अनुसार, पुलिस को 23 अगस्त को मुखबिर से सूचना मिली कि रामनगर जलाराम केटर्स के पीछे कुछ लोग पैसे लगाकर ताश पत्ती खेल रहे हैं. इस पर वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में तत्काल थाना वैशालीनगर और भिलाई नगर की टीम के साथ नगर पुलिस अधीक्षक भिलाई नगर ने छापामार कार्रवाई की. पुलिस को देखकर जुआ खेल रहे आरोपियों ने भागने का प्रयास किया, लेकिन चाक-चौबंद पुलिस ने घेराबंदी कर सभी जुआरियों को पकड़ लिया. पकड़े गए बावन परियों के शौकिनों में खुर्सीपार निवासी गोपाल कुमार अग्रवाल, स्मृति नगर निवासी प्रदीप लाया, वैशाली नगर निवासी एके जैन, दुर्ग निवासी बुधराम निर्मलकर, जामुल निवासी मनोज सिंह, वैशाली नगर निवासी पवन कुमार, स्मृति नगर निवासी अनूप कुमार धौटे, मोहन नगर निवासी शंक गेडवानी, वैशाली नगर निवासी विनोद अग्रवाल, जामुल निवासी रोहन अग्रवाल और वैशाली नगर निवासी राजेश शामिल हैं. बताया गया कि आरोपीगणों के कब्जे से 10 मोबाइल, 52 पत्ती ताश और नगदी 218000 रुपए को समक्ष गवाहों के जब्त किया गया. आरोपीगणों के विरूद्ध थाना वैशाली नगर में अपराध क्रमां- 284/2025, धारा छत्तीसगढ़ जुआ (प्रतिषेध) अधिनियम 2022 की धारा 3(2) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना मे लिया जाकर अग्रिम कार्रवाई की जा रही है.

मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर विमलेंद्र मोहन प्रताप मिश्र को दी श्रद्धांजलि

मुख्यमंत्री ने अयोध्या राजसदन के मुखिया के निधन पर जताया शोक मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर विमलेंद्र मोहन प्रताप मिश्र को दी श्रद्धांजलि श्रीराम जन्मभूमि ट्रस्ट के ट्रस्टी और अयोध्या राज परिवार के मुखिया विमलेंद्र मोहन प्रताप मिश्र का शनिवार रात हुआ था निधन सीएम योगी आदित्यनाथ ने लिखा, ''प्रभु श्रीराम परिजनों को प्रदान करें दु:ख सहन करने की शक्ति'' अयोध्या,  अयोध्या राजसदन के मुखिया और श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के ट्रस्टी विमलेंद्र मोहन प्रताप मिश्र (राजा साहब) का शनिवार की रात 11 बजे निधन हो गया। 75 वर्षीय राजा साहब के निधन की खबर से प्रदेश में शोक की लहर दौड़ गई। वहीं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उनके निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर अपनी शोक संवेदनाएं व्यक्त की हैं। मुख्यमंत्री ने लिखा "राजसदन के मुखिया विमलेंद्र मोहन प्रताप मिश्र का निधन अत्यंत दुखद है। मेरी संवेदनाएं शोक संतप्त परिजनों के साथ हैं। प्रभु श्रीराम से प्रार्थना है कि दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्री चरणों में स्थान तथा परिजनों को यह दुःख सहन करने की शक्ति प्रदान करें। ॐ शांति।" पिछले साल ही हुआ था उनकी पत्नी का निधन राजसदन के मुखिया विमलेंद्र मोहन प्रताप मिश्र के भाई शैलेन्द्र मोहन मिश्र ने बताया कि शनिवार रात अचानक उनका ब्लड प्रेशर गिर गया, जिससे उनकी तबीयत खराब हो गई। डॉक्टर को तत्काल बुलाया गया, लेकिन बचाया नहीं जा सका। राजा साहब ने अपने निवास राजसदन में अंतिम सांस ली। पिछले वर्ष ही उनकी पत्नी का निधन हुआ था। श्रीराम जन्मभूमि आंदोलन से गहरा जुड़ाव विमलेंद्र मोहन प्रताप मिश्र न केवल अयोध्या के राजघराने के सम्मानित मुखिया थे, बल्कि श्रीराम जन्मभूमि आंदोलन से भी गहराई से जुड़े रहे। उन्हें अयोध्या की सांस्कृतिक व धार्मिक पहचान का महत्वपूर्ण स्तंभ माना जाता था। राजनीतिक व सामाजिक गलियारों में गम राजा साहब के निधन से न केवल अयोध्या, बल्कि पूरे उत्तर प्रदेश के राजनीतिक और सामाजिक गलियारों में गम का माहौल है। कई मंत्री व जनप्रतिनिधियों के अयोध्या पहुंचने की सूचना है।

सिख गुरुओं ने अपने जीवन का हर क्षण देश, धर्म और मानवता के कल्याण के लिए समर्पित किया: मुख्यमंत्री

  – गुरुओं की शिक्षाओं और बलिदान के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए राष्ट्र और धर्म की रक्षा हमारा दायित्व – सीएम योगी – सीएम योगी ने कहा- इतिहास में वही जाति और कोम जीवित रही है जो अपने पूर्वजों के शौर्य और पराक्रम को जीवन का हिस्सा बनाती है – गुरु गोविंद सिंह जी महाराज के चार साहिबजादों का बलिदान भारतीय इतिहास का गौरवशाली अध्याय है- सीएम योगी – मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर में सिख समुदाय के योगदान की सराहना की गोरखपुर,  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि इतिहास में वही जाति और कौम जीवित रहती है, जो अपने पूर्वजों के शौर्य, पराक्रम और बलिदान को जीवन का हिस्सा बनाती है। सिख गुरुओं ने सदैव सनातन धर्म और भारतीय संस्कृति की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति दी। उनकी वीरता, त्याग और बलिदान देश की आत्मा में आज भी जीवित है। सीएम योगी रविवार को गोरखपुर के पैडलेगंज स्थित गुरुद्वारा श्री गुरु सिंह सभा में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर उन्होंने पर्यटन विकास कार्यों, गुरुद्वारा भवन के नए स्वरूप और बुनियादी सुविधाओं के विस्तार कार्यों का लोकार्पण किया। कार्यक्रम में पवित्र गुरु ग्रंथ साहिब के प्रथम प्रकाश पर्व पर आयोजित समागम में मुख्यमंत्री ने गुरुवाणी सुनी और संगत के बीच शामिल हुए। गुरुद्वारा समिति की ओर से उन्हें प्रतीक चिन्ह और शॉल ओढ़ाकर सम्मानित भी किया गया। सिख गुरुओं की परंपरा अनुपम और अटूट रही है- सीएम योगी मुख्यमंत्री ने कहा कि सिख गुरुओं की परंपरा अनुपम और अटूट रही है। गुरु नानक देव जी से लेकर गुरु गोविंद सिंह जी महाराज तक, हर गुरु ने सनातन धर्म और राष्ट्र की रक्षा के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर किया। उन्होंने कहा कि  जब भी भारतीय संस्कृति पर संकट आया, सिख गुरुओं ने आगे बढ़कर अपने बलिदान से उसे बचाया। सीएम योगी ने विशेष रूप से गुरु तेग बहादुर जी की शहादत को याद किया। उन्होंने कहा कि उनके बलिदान के 350वें वर्ष में देशभर में कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। कुछ ही समय पूर्व मुख्यमंत्री आवास से नगर कीर्तन और कीर्तन पाठ के जरिए इस आयोजन की शुरुआत हुई। इसी तरह गुरु नानक देव जी महाराज के 550वें प्रकाश पर्व पर भी मुख्यमंत्री आवास पर पहली बार गुरुवाणी का आयोजन हुआ था। चार साहिबजादों का बलिदान भारतीय इतिहास का गौरवशाली अध्याय है- सीएम योगी सीएम योगी ने कहा कि गुरु गोविंद सिंह जी महाराज के चार साहिबजादों बाबा अजीत सिंह, बाबा जुझार सिंह, बाबा जोरावर सिंह और बाबा फतेह सिंह के बलिदान को याद किया। उन्होंने कहा कि उनका बलिदान भारतीय इतिहास का गौरवशाली अध्याय है। उन्होंने कहाकि जब उन्हें लालच दिया गया कि इस्लाम स्वीकार कर लो, तो जीवन और रियासत दोनों सुरक्षित रहेंगे, लेकिन उन्होंने झुकने के बजाय बलिदान का मार्ग चुना। छोटे साहिबजादों को दीवार में चुनवाकर शहीद कर दिया गया, लेकिन उन्होंने अपने धर्म और राष्ट्र की रक्षा के लिए दृढ़ निष्ठा दिखाई। मुख्यमंत्री ने कहा कि यही बलिदान आज हम सभी को प्रेरित करता है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में 26 दिसंबर को पूरे देश में ‘वीर बाल दिवस’ के रूप में मनाया जा रहा है। यह सिख गुरुओं और साहिबजादों के बलिदान को श्रद्धांजलि देने का एक ऐतिहासिक निर्णय है। गुरुद्वारों में सुविधाओं का हुआ विस्तार मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पैडलेगंज का यह गुरुद्वारा वर्षों से सिख संगत का आस्था केंद्र रहा है। पहले यहां सुविधाओं का अभाव था, लेकिन अब पर्यटन विभाग और सरकार की मदद से इसे आधुनिक स्वरूप प्रदान किया गया है। अब यहां श्रद्धालुओं के लिए गुरुवाणी पाठ, लंगर और अन्य धार्मिक कार्यक्रम और बेहतर सुविधाओं के साथ हो सकेंगे। उन्होंने कहा कि गुरुद्वारा केवल किसी जाति या समुदाय तक सीमित नहीं होता। यहां आने वाले हर व्यक्ति का स्वागत होता है। यही सिख परंपरा और गुरुवाणी का वास्तविक संदेश है। सीएम योगी ने सिख परंपरा के प्रति जताई कृतज्ञता सीएम योगी ने कहा कि गोरखपुर के प्रमुख तीन गुरुद्वारों जटा शंकर, मोहद्दीपुर और पैडलेगंज को बेहतर स्वरूप देने का कार्य किया गया है। यह सिख गुरु परंपरा के प्रति हमारी कृतज्ञता और श्रद्धा का प्रतीक है। सीएम योगी ने कहा कि  आज का दिन हमारे लिए पवित्र इसलिए भी है कि 421 वर्ष पूर्व इसी दिन गुरु ग्रंथ साहिब जी को हरमंदिर साहिब में स्थापित कर उन्हें गुरु के रूप में स्वीकार किया गया। यह परंपरा आज भी पूरे विश्व में आस्था और श्रद्धा का केंद्र है। उन्होंने कहा कि सिख गुरुओं ने अपने जीवन का हर क्षण देश, धर्म और मानवता के कल्याण के लिए समर्पित किया। आज हमारा दायित्व है कि उनकी शिक्षाओं और बलिदान के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए राष्ट्र और धर्म की रक्षा के लिए पूरी निष्ठा से कार्य करें। सीएम योगी ने गोरखपुर में सिख समुदाय के योगदान को सराहा सीएम ने गोरखपुर में सिख समुदाय की भूमिका को रेखांकित करते हुए कहा कि यह आयोजन पूर्वी उत्तर प्रदेश के सिख समुदाय को एकजुट करने का अवसर है। उन्होंने लखनऊ में अपने नियमित गुरुपर्व आयोजनों का जिक्र करते हुए कहा कि गोरखपुर में इस तरह के आयोजन में शामिल होना उनके लिए विशेष सौभाग्य है। उन्होंने कहा कि गुरु परंपरा ने देश और सनातन धर्म के लिए अपना जीवन समर्पित किया, उनकी प्रेरणा से हमें देश और धर्म के लिए पूरी ईमानदारी से कार्य करना है।  इस दौरान सांसद रवि किशन शुक्ला, महापौर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव, भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं एमएलसी डॉ. धर्मेंद्र सिंह, विधायक विपिन सिंह, महेंद्रपाल सिंह, डॉ. विमलेश पासवान, प्रदीप शुक्ल, कालीबाड़ी के महंत रविंद्र दास समेत गुरुद्वारा कमेटी के वरिष्ठ सदस्य व सिख समुदाय के कई गणमान्य मौजूद रहे।

कमजोरों के हक छीनने वालों पर योगी सरकार का डंडा, किसी को नहीं मिलेगी ढील

गोरखपुर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जन समस्याओं का निस्तारण तत्परता और संवेदनशीलता के साथ किया जाए। बयान के अनुसार, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखनाथ मंदिर में रात्रि प्रवास के बाद रविवार सुबह जनता दर्शन में आए लोगों से मुलाकात की। उन्होंने ध्यान से उनकी समस्याएं सुनीं और अधिकारियों को निर्देशित किया कि जन समस्याओं का निस्तारण तत्परता और संवेदनशीलता से किया जाए। 'सरकार हर समस्या के समाधान के लिए प्रतिबद्ध है' सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा, ‘‘समस्याओं के निस्तारण में कोई लापरवाही नहीं होनी चाहिए। हर समस्या का निस्तारण गुणवत्तापूर्ण, पारदर्शी और संतुष्टिपरक होना चाहिए।'' उन्होंने कहा कि सरकार जनता की हर समस्या के समाधान के लिए प्रतिबद्ध है। गोरखनाथ मंदिर परिसर के महंत दिग्विजयनाथ स्मृति भवन के बाहर आयोजित जनता दर्शन में आए लोगों से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ खुद मिले और एक-एक करके सबकी समस्याएं सुनीं। 'सरकार इलाज के लिए भरपूर मदद करेगी' सीएम योगी ने करीब 200 लोगों से मुलाकात की और सभी को आश्वस्त किया कि हर व्यक्ति की समस्या का समाधान सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए कि किसी की जमीन पर अवैध कब्जा करने वाले या कमजोरों को उजाड़ने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा न जाए। उनके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए। जनता दर्शन में कई लोग गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए आर्थिक सहायता की गुहार लेकर भी आए थे। मुख्यमंत्री योगी ने उन्हें आश्वासन दिया कि सरकार इलाज के लिए भरपूर मदद करेगी।  

यात्रियों के लिए खुशखबरी! अब मुंबई-गांधीनगर वंदे भारत रुकेगी 8 जगह

मुंबई  भारतीय रेलवे ने देश की तीसरी वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन के शेड्यूल में अहम बदलाव किया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 30 सितंबर 2022 को उद्घाटन की गई यह वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन मुंबई सेंट्रल और गांधीनगर कैपिटल के बीच चलती है। यह ट्रेन पश्चिम रेलवे द्वारा संचालित की जाती है और इसे सप्ताह में छह दिन (बुधवार छोड़कर) चलाया जाता है। ट्रेन नंबर 20901/20902, मुंबई सेंट्रल और गांधीनगर कैपिटल के बीच 521 किलोमीटर की दूरी तय करने में 6 घंटे 30 मिनट का समय लेती है। अब आठ स्टेशनों पर रुकेगी वंदे भारत एक्सप्रेस रेलवे द्वारा किए गए बदलाव के बाद अब यह ट्रेन पहले के 7 की बजाय 8 स्टेशनों पर रुकेगी। नई सूची में गुजरात के नवसारी स्टेशन को भी जोड़ा गया है। संशोधित स्टॉपेज इस प्रकार हैं:   ट्रेन संचालन का समय गाड़ी संख्या 20901: मुंबई सेंट्रल से गांधीनगर कैपिटल के लिए वंदे भारत एक्सप्रेस सुबह 6:00 बजे रवाना होगी और दोपहर 12:25 बजे गांधीनगर पहुंचेगी। गाड़ी संख्या 20902: वापसी यात्रा में यह ट्रेन गांधीनगर से दोपहर 2:05 बजे प्रस्थान करेगी और रात 8:30 बजे मुंबई सेंट्रल पहुंचेगी। यह सेवा सप्ताह में हर दिन बुधवार को छोड़कर उपलब्ध रहेगी। वंदे भारत एक्सप्रेस का किराया इस ट्रेन में कुल 20 डिब्बे होते हैं। एसी चेयर क्लास का किराया: ₹1285 एग्जीक्यूटिव चेयर कार का किराया: ₹2465 मुंबई और गांधीनगर के बीच सफर करने वालों के लिए वंदे भारत एक्सप्रेस अब और अधिक सुविधाजनक हो गई है, विशेष रूप से नवसारी स्टेशन को शामिल किए जाने से दक्षिण गुजरात के यात्रियों को अतिरिक्त लाभ मिलेगा।