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कड़ाके की सर्दी ने बढ़ाई परेशानी, राजस्थान में पारा 7 डिग्री तक गिरा

जयपुर उत्तर भारत में वेस्टर्न डिस्टरबेंस का असर खत्म होते ही राजस्थान में एक बार फिर उत्तरी हवाएं सक्रिय हो गई हैं। बुधवार को सर्द हवाओं के चलते प्रदेश में तापमान में 7 डिग्री तक की गिरावट दर्ज की गई। सीकर, फतेहपुर और माउंट आबू में न्यूनतम तापमान 5 डिग्री सेल्सियस से नीचे चला गया, जबकि शेखावाटी क्षेत्र में कड़ाके की ठंड के कारण ओस की बूंदें जम गईं। मौसम विभाग ने चूरू, झुंझुनूं, सीकर और नागौर जिलों के लिए अगले दो दिनों तक कोल्ड-वेव की चेतावनी जारी की है। हालांकि बुधवार को घने कोहरे से राहत रही और प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में आसमान साफ रहा, जिससे दिन में तेज धूप खिली। मौसम केंद्र जयपुर के अनुसार, पिछले 24 घंटे में फतेहपुर सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 2.6 डिग्री दर्ज हुआ। नागौर में 3.4, माउंट आबू में 4 और सीकर में 5 डिग्री तापमान रहा। वहीं सिरोही में बुधवार को प्रदेश का सबसे ठंडा दिन दर्ज किया गया, जहां अधिकतम तापमान केवल 19.5 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, अगले एक सप्ताह तक मौसम शुष्क रहेगा और सर्द हवाओं के चलते ठंड का असर बना रहेगा। अगले दो दिनों में तापमान में 2 से 4 डिग्री तक और गिरावट आने की संभावना है। प्रदेश के प्रमुख शहरों का तापमान (24 दिसंबर): अजमेर अधिकतम 24.3 व न्यूनतम 12.2 डिग्री, भीलवाड़ा अधिकतम 24.4 व न्यूनतम 10.5, अलवर अधिकतम 22 व न्यूनतम 8.6, जयपुर अधिकतम 22.3 व न्यूनतम 11, पिलानी अधिकतम 24.8 व न्यूनतम 7.2, सीकर अधिकतम 20.5 व न्यूनतम 5, कोटा अधिकतम 23.3 व न्यूनतम 12.2, चित्तौड़गढ़ अधिकतम 27 व न्यूनतम 11.6, उदयपुर अधिकतम 25 व न्यूनतम 11.6, बाड़मेर अधिकतम 27.9 व न्यूनतम 13, जैसलमेर अधिकतम 25.4 व न्यूनतम 8.8, जोधपुर अधिकतम 25.7 व न्यूनतम 11.5, बीकानेर अधिकतम 23.8 व न्यूनतम 8.8, चूरू अधिकतम 23.6 व न्यूनतम 5.8, श्रीगंगानगर अधिकतम 23.5 व न्यूनतम 10.3, नागौर अधिकतम 24.4 व न्यूनतम 3.4, बारां अधिकतम 22.6 व न्यूनतम 10.5, जालोर अधिकतम 25.7 व न्यूनतम 12.8, सिरोही अधिकतम 19.5 व न्यूनतम 9.3, फतेहपुर अधिकतम 22.6 व न्यूनतम 2.6, करौली अधिकतम 22.7 व न्यूनतम 6.9, दौसा अधिकतम 23.8 व न्यूनतम 8.1, प्रतापगढ़ अधिकतम 25.3 व न्यूनतम 14.1, झुंझुनूं अधिकतम 22.8 व न्यूनतम 6.8, पाली अधिकतम 24.9 व न्यूनतम 6.8 डिग्री सेल्सियस।

एबी रोड की पहचान बदल गई: इंदौर के महापौर ने रोड का नाम अटल बिहारी वाजपेयी रोड रखा

इंदौर  इंदौर से होकर गुजरने वाले आगरा-बॉम्बे रोड की सालों पुरानी पहचान यानी एबी रोड अब बदल दी गई है। इसका नाम बदलकर पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के नाम पर कर दिया गया है। इस बात की जानकारी शहर के महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने गुरुवार को सोशल मीडिया के जरिए दी। उन्होंने बताया कि MIC (निगम परिषद) की हुई बैठक में एबी रोड का नामकरण भारत रत्न और पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के नाम पर अटल बिहारी मार्ग किए जाने का निर्णय लिया गया। बता दें कि देश आज पूर्व पीएम की जयंती मना रहा है और ऐसे में एमआईसी ने उन्हें याद करते हुए यह फैसला लिया। भार्गव ने आगे कहा कि अटल जी की जयंती के अवसर पर लिया गया यह निर्णय उनके राष्ट्रसेवा, विचारों एवं योगदान के प्रति श्रद्धा और सम्मान का प्रतीक है। इसके साथ ही उन्होंने बताया कि अटलजी ने राजनीति को गरिमा दी थी, इसी वजह से इंदौर की एक प्रमुख पहचान का नाम अब उनके नाम पर रखने का फैसला लिया गया है। भार्गव ने बताया कि यह निर्णय उनके विचारों और राष्ट्रसेवा को सच्ची श्रद्धांजलि है। हालांकि एक रोचक बात यह है कि भले ही आगरा-बॉम्बे रोड का नाम बदल दिया गया हो, लेकिन उसका प्रचलित नाम अब भी एबी रोड रह सकता है, क्योंकि अटल बिहारी का शॉर्ट नाम भी एबी रोड होगा, ऐसे में लोग अपनी आदतानुसार अटल बिहारी रोड को भी एबी रोड कह सकेंगे। एबी रोड की पहचान अटलजी के नाम पर करने की वजह बताते हुए MIC की तरफ से कहा गया कि अटलजी ने प्रधानमंत्री रहते हुए देशभर के मार्गों को मुख्य मार्गों से जोड़ने का जो ऐतिहासिक कार्य किया था, वह अतुलनीय है और उनके इसी योगदान को देखते हुए उनके जन्मदिन पर उन्हें श्रद्धांजलि देते हुए यह फैसला किया गया है। बता दें कि देशभर के गांवों में पक्की सड़क का निर्माण करने वाली प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना अटलजी के कार्यकाल में ही आई थी, जिसके बाद ना केवल गांव में रहने वाले लोगों का शहर तक आना-जाना आसान हो गया, बल्कि देश की आर्थिक गति को भी नए पंख लग गए। क्या लिखा है आदेश में? इस बारे में महापौर व निगम परिषद अध्यक्ष की तरफ से जारी आदेश में लिखा गया, 'आगरा-बॉम्बे रोड का नामकरण 'अटल बिहारी मार्ग' किए जाने के संबंध में महापौर श्री पुष्यमित्र भार्गव का पत्र दिनांक 24.12.2025 एवं आयुक्त का पत्र क्रमांक 532 दिनांक 24.12.2025 पर विचार किया गया। चर्चा की गई। विचारोपरान्त महापौर के पत्र दिनांक 24.12.2025 एवं आयुक्त के पत्र के संलग्न संक्षेपिका में दर्शाई स्थिति एवं चर्चा के प्रकाश में वर्तमान में आगरा-बॉम्बे रोड़ जो कि, ए.बी. रोड़ के नाम से प्रचलन में है। देश के पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न स्व. श्री अटल बिहारी वाजपेयी जी के द्वारा देश भर में मार्गो को मुख्य मार्गों से जोड़ने का ऐतिहासिक कार्य अपने कार्यकाल में किया गया जो कि अतुलनीय है। इस योगदान को दृष्टिगत रखते हुए उनके जन्मदिवस पर श्रद्धांजलि ज्ञापित करते हुए ए.बी. रोड़ का नामकरण "अटल बिहारी मार्ग" किए जाने की स्वीकृति निगम परिषद स्वीकृति की प्रत्याशा में सर्वसम्मति से दी जाती है। पुष्टि हेतु प्रकरण निगम परिषद के समक्ष रखा जाए। आयुक्त नियमानुसार आवश्यक कार्यवाही करें।'

पदभार ग्रहण नहीं करने वाले शिक्षक रडार पर, युक्तियुक्तकरण के बाद गिरेगी गाज

रायपुर शिक्षक युक्तियुक्तकरण को करीब छह माह हो गए है. इसके बाद भी जिले के 11 शिक्षकों ने नए स्कूलों में अभी तक ज्वाइनिंग नहीं दी है. जबकि उनका अभ्यावेदन अमान्य घोषित हो चुका है. ऐसे शिक्षकों के कारण बच्चों की पढ़ाई बाधित हो रही है. इसलिए जेडी ने उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के लिए जांच दल का गठन किया है. जिसका जिम्मा डीईओ और बीईओ को सौंपा गया है. इससे पदभार ग्रहण नहीं करने वाले शिक्षकों में हड़कम्प मच गया है. शासन के आदेश पर जिले में जून माह में शिक्षकों का युक्तियुक्तकरण किया गया. इसमें शहर और आसपास के स्कूलों में आवश्यकता से अधिक पदस्थ शिक्षकों को शिक्षक विहीन और एकल शिक्षकीय स्कूल में भेजा गया. जिले में करीब साढ़े सात सौ शिक्षकों का युक्तियुक्तकरण किया गया. इसके खिलाफ कई शिक्षक हाईकोर्ट गए. वहां से कई को राहत मिली. वहीं जिला और संभाग स्तरीय कमेटी के समक्ष भी उन्होंने हाईकोर्ट के निर्देश पर अभ्यावेदन प्रस्तुत किया. इसमें जिले के मिडिल स्कूल के 11 शिक्षकों को राहत नहीं मिली. उनका आवेदन अमान्य कर दिया गया. इसके बाद भी उन्होंने युक्तियक्तकरण के छह माह बाद भी नए स्कूलों में ज्वाइनिंग नहीं दी है. शासन के आदेश पर उनका वेतन पहले से रोका जा चुका है. इसके बाद भी शिक्षक नए स्कूल में उपस्थित दर्ज नहीं करा रहे है. ऐसे शिक्षकों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी गई है. इसके लिए जेडी आरपी आदित्य ने संभाग के पदभार ग्रहण नहीं करने वाले शिक्षकों के खिलाफ जांच कर प्रतिवेदन प्रस्तुत करने का आदेश डीईओ और बीईओ को सौपा है. उसके खिलाफ ऐसे शिक्षकों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की बात कहीं जा रही है. जिसमें उनकी नौकरी भी जा सकती है. निलंबित नहीं होंगे शिक्षक सीधे किए जाएंगे बर्खास्त युक्तियुक्तकरण करने के बाद दूर-दराज के स्कूल में शिक्षक जाना नहीं चाह रहे है. उनके खिलाफ कार्रवाई करने का आदेश जारी किया गया है. इसके बाद भी जिले से कोई कार्रवाई नहीं हो रही थी. शिक्षकों को निलंबित करने से उनको फायदा है. इसलिए जेडी ने उनके खिलाफ जांच दल बनाकर कड़ी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है. जिसमें शासन को बर्खास्ती की अनुशंसा भी की जा सकती है. नहीं तो क्रेक सर्विस भी करने की बात कहीं जा रही है. प्राइमरी स्कूल के 9 शिक्षकों पर भी होगी कार्रवाई वहीं जिले के प्राइमरी स्कूल के 9 शिक्षकों ने युक्तियुक्तकरण में नई पोस्टिंग मिलने के बाद भी पदभार ग्रहण नहीं किया गया है. उनके खिलाफ जिला शिक्षा अधिकारी को दल बनाकर अनुशासनात्मक कार्रवाई करनी है. लेकिन डीईओ उस ओर ध्यान नहीं दे रहे है. संयुक्त संचालक ने डीईओ को पदभार ग्रहण नहीं करने वाले सहायक शिक्षकों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए है. इसलिए अब उनके खिलाफ भी जल्द जांच दल बनेगा.

वर्ल्ड कप 2027 में फिर दिखेगा विराट का जलवा, भारत के लिए सबसे भरोसेमंद मैच विनर

नई दिल्ली  टीम इंडिया के स्टार बल्लेबाज विराट कोहली 2027 वर्ल्ड कप खेलने के लिए खूब पसीना बहा रहे हैं। टेस्ट और टी20 से रिटायर होने के बाद उनके फ्यूचर पर तलवार लटकने लगी थी, मगर अपने फेवरेट फॉर्मेट को विराट कोहली यूं ही अलविदा नहीं कहने वाले। इंटरनेशनल क्रिकेट में इस साल धूम मचाने के बाद विराट कोहली डोमेस्टिक क्रिकेट में भी अपना लोहा मनवा रहे हैं। बुधवार, 24 दिसंबर से शुरू हुए विजय हजारे टूर्नामेंट के पहले ही मैच में उन्होंने शतक जड़ दिया। लिस्ट-ए क्रिकेट में पिछली 4 पारियों में यह उनका तीसरा शतक है। किंग कोहली की इस रेड हॉट फॉर्म को देखते हुए उनके बचपन के कोच राजकुमार शर्मा ने साफ कर दिया है कि विराट वर्ल्ड कप 2027 के लिए एकदम तैयार हैं और उनसे बड़ा मैच विनर भारत में पैदा नहीं हुआ। राजकुमार शर्मा ने बात करते हुए कहा, "बहुत अच्छा है, शानदार है..अपनी फॉर्म को जारी रखा है, जैसा उन्होंने भारत के लिए दो शतक बनाए थे। उसी लय में शानदार बल्लेबाजी की है आज भी, मैच दिल्ली को जीताया है। काफी समय बाद वो डोमेस्टिक क्रिकेट खेल रहे थे। बेहद शानदार पारी खेली। देखिए वो शानदार फॉर्म में है। उसने भारत के लिए पिछले दोनों मैचों में शतक जड़े हैं। वो बेहतरीन फॉर्म में है। वो ऐसा खिलाड़ी है जो सबसे ज्यादा कंसिस्टेंट है, मेरे हिसाब से वो वर्ल्ड कप खेलने के लिए पूरी तरह से तैयार है। वो इतना बड़ा क्रिकेट है कि उसे पता है कि उसे क्या चेंजिस करने हैं। वो लगातार कंसिस्टेंट ही रहा है, कभी-कभी ऐसा फेज आता है कि एक-दो पारियां खराब हो जाती है। इसका मतलब नहीं कि वो प्लेयर खराब हो गया है। उसके रिकॉर्ड्स बताते हैं कि वो किसी ऊंचाईयों पर पहुंचा हुआ है। मुझे यह कहते हुए गर्व होता है कि वो इतनी शानदार पारियां खेलता है और जितने मैच उसने भारत को जीताए हैं उतने आज तक भारत को किसी ने भी नहीं जीताए। मुझे गर्व होता है कि वो मेरा ट्रेनी है।"

कर्नल बाठ केस में बड़ी कार्रवाई: CBI ने चार पंजाब पुलिस अधिकारियों के खिलाफ दाखिल की चार्जशीट

मोहाली  यह घटना 13 और 14 मार्च की दरमियानी रात को घटी, जब कर्नल पुष्पेंद्र सिंह बाठ और उनका बेटा पटियाला के सरकारी राजिंद्रा अस्पताल के पास एक सड़क किनारे ढाबे पर थे। CBI ने कर्नल पुष्पिंदर सिंह बाठ से मारपीट के मामले में चार पंजाब पुलिस अधिकारियों के खिलाफ बुधवार को मोहाली अदालत में चार्जशीट दाखिल की है। चार्जशीट में अभियोजन पक्ष ने गंभीर चोट पहुंचाने और अवैध रूप से रोकने (गलत निरुद्ध) सहित अन्य धाराओं में आरोप लगाए हैं। चार्जशीट के अनुसार, निरीक्षक रॉनी सिंह इस मामले में मुख्य आरोपी हैं। हालांकि, चार्जशीट में हत्या के प्रयास (Attempt to Murder) की धारा शामिल नहीं की गई है। इससे पहले पटियाला पुलिस ने निरीक्षक हैरी बोपारई, रॉनी सिंह और हरजिंदर ढिल्लों सहित चार निरीक्षकों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 109 (हत्या का प्रयास), 310, 155(2), 117(2) (दोनों स्वेच्छा से चोट पहुंचाने से संबंधित), 126(2) (गलत तरीके से रोकना) और 351(2) (आपराधिक धमकी) के तहत एफआईआर दर्ज की थी। बाद में एक अन्य निरीक्षक को बीएनएस की धारा 299 और 191 के तहत नामजद किया गया था। यह कथित घटना 13 और 14 मार्च की मध्यरात्रि को हुई थी, जब कर्नल पुष्पिंदर सिंह बाठ अपने बेटे के साथ पटियाला के सरकारी राजिंदरा अस्पताल के पास स्थित एक ढाबे पर थे। परिवार का आरोप है कि कार के बाहर खड़े होकर खाना खाते समय सिविल कपड़ों में आए कुछ पुलिसकर्मियों ने कर्नल से अपनी गाड़ी हटाने को कहा ताकि वे अपनी कार पार्क कर सकें। इसके बाद कथित तौर पर एक दर्जन से अधिक पुलिसकर्मियों ने लाठी-डंडों और रॉड से कर्नल और उनके बेटे पर हमला किया, जिससे दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए।

गृह मंत्रालय ने दी मंजूरी: 4 राज्य पुलिस सेवा अफसर बने IPS

भोपाल  मध्यप्रदेश के लिए 24 दिसंबर प्रशासनिक दृष्टि से एक अहम दिन साबित हुआ है। राज्य पुलिस सेवा (SPS) के चार वरिष्ठ अधिकारियों को भारतीय पुलिस सेवा (IPS) कैडर का अवॉर्ड दिया गया है। गृह मंत्रालय द्वारा बुधवार को इसका आधिकारिक नोटिफिकेशन जारी कर दिया गया। राज्य पुलिस सेवा के जिन अधिकारियों को IPS कैडर से नवाजा गया है, उनमें आशीष खरे, विक्रांत मुरब, सुरेंद्र कुमार जैन और राजेश रघुवंशी शामिल हैं। इन सभी अधिकारियों को वर्ष 2024 की डीपीसी (Departmental Promotion Committee) के तहत पदोन्नति दी गई है। चारों अधिकारी एक वर्ष की परिवीक्षा अवधि में रहेंगे। जानकारी के अनुसार, IPS कैडर अवॉर्ड के लिए 21 नवंबर 2024 को डीपीसी की बैठक आयोजित हुई थी, जिसमें कुल 15 अधिकारियों के नामों पर विचार किया गया था। बैठक के बाद अंतिम सूची केंद्र सरकार को भेजी गई थी, जिस पर गृह मंत्रालय ने मुहर लगाई। बैच विवरण की बात करें तो आशीष खरे, सुरेंद्र कुमार जैन और राजेश रघुवंशी 1998 बैच के राज्य पुलिस सेवा अधिकारी हैं, जबकि विक्रांत मुरब 1997 बैच से हैं। हालांकि, वरिष्ठता सूची में सबसे ऊपर रहे दो अधिकारियों को IPS अवॉर्ड नहीं मिल सका। अमृत मीणा का प्रमोशन उनके जाति प्रमाण पत्र पर आपत्ति के कारण अटक गया, वहीं सीताराम ससत्या के मामले में विभागीय जांच प्रमोशन में बाधा बनी। चार अधिकारियों को IPS कैडर मिलने से न सिर्फ मध्यप्रदेश पुलिस बल को मजबूती मिलेगी, बल्कि प्रशासनिक अनुभव और नेतृत्व क्षमता का लाभ भी प्रदेश को मिलेगा। यह निर्णय राज्य पुलिस सेवा के अधिकारियों के लिए प्रेरणास्रोत माना जा रहा है।

शहादत को नमन: फतेहगढ़ साहिब पहुंचेंगे सीएम नायब सिंह सैनी, करेंगे मत्था टेक

बरनाला  हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी आज पंजाब के ऐतिहासिक गुरुद्वारा फतेहगढ़ साहिब पहुंचेंगे, जहां वे साहिबजादों की शहादत की स्मृति में आयोजित श्रद्धांजलि कार्यक्रम में नतमस्तक होंगे। मुख्यमंत्री के साथ भारतीय जनता पार्टी पंजाब के कार्यकारी अध्यक्ष अश्विनी शर्मा भी मौजूद रहेंगे। दोनों नेता गुरुद्वारे में मत्था टेक कर सिख इतिहास के महान बलिदानों को श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे। यह दौरा धार्मिक भावनाओं से जुड़ा हुआ है और साथ ही राजनीतिक दृष्टिकोण से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि भाजपा पंजाब में अपनी सक्रियता को और बढ़ा रही है। स्थानीय प्रशासन द्वारा कार्यक्रम को लेकर सुरक्षा के पुख्ता इंतज़ाम किए गए हैं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।

नक्सल विरोधी अभियान में बड़ी सफलता: कंधमाल में सीसी मेंबर गणेश मारा गया

जगदलपुर ओड़िसा के कंधमाल जिले में नक्सलियों के खिलाफ एक बड़े ऑपरेशन में जवानों ने 2 महिला और 4 पुरुष सहित 6 नक्सलियों को मार गिराया है. मारे गए नक्सलियों में सेंट्रल कमेटी (CC) मेंबर गणेश उईके के अलावा एरिया कमेटी मेंबर (ACM) बारी उर्फ राकेश शामिल है. कंधमाल जिले के चाकापाड़ इलाके में जवानों की नक्सलियों से जबरदस्त मुठभेड़ बीती रात से जारी है. बीती रात जहां सुरक्षा बल के जवानों ने दो नक्सलियों को मार गिराया था, जिनमें सुकमा का रहने वाला एरिया कमेटी मेंबर (ACM) और बीजापुर का अमृत दलगम सदस्य बारी उर्फ राकेश शामिल था. दोनों पर नक्सलियों पर कुल 23 लाख 65 हजार रुपए का इनाम घोषित था. मौके से दो हथियार बरामद किए गए. वहीं आज सुबह मुठभेड़ में दो महिला और दो पुरुष नक्सलियों को मार गिराने में कामयाबी हासिल की. इनमें से एक सीसी मेंबर गणेश उईके भी शामिल है. गणेश उईके की 7 राज्यों में तलाश थी. तेलंगाना के नलगोंडा जिले का रहने वाला गणेश उईके साउथ सब जोनल का इंचार्ज था. ऑपरेशन में ओडिशा की स्पेशल फ़ोर्स SOG की 20 टीमें व सीआरपीएफ की 3 टीमें मौजूद उड़ीसा पुलिस के DIG ऑपरेशन IPS अखिलेश्वर सिंह व कंधमाल एसपी पूरे ऑपरेशन की मॉनिटरिंग कर रहे हैं. मौक़े से दो नग INSAS राइफल व एक नग 303 रायफल बरामद किया है. DIG कर रहे मॉनिटरिंग ओडिशा पुलिस के DIG ऑप्श अखिलेश्वर सिंह ने मुठभेड़ को लेकर लगातार मॉनिटरिंग कर रहे हैं। बताया कि स्पेशल इंटेलिजेंस विंग से मिली जानकारी के आधार पर, कंधमाल जिले के चाकपाड पुलिस स्टेशन इलाके और गंजाम जिले के सीमावर्ती इलाकों में रामभा जंगल रेंज में 23 टीमों (20 SOG, 2 CRPF, 1 BSF) का एक जॉइंट ऑपरेशन शुरू किया गया। तीन नक्सलियों का पहचान होना बाकी इस दौरान कई बार गोलीबारी हुई। इलाके की तलाशी के बाद, वर्दी पहने चार माओवादियों (दो पुरुष और दो महिलाएं) के शव बरामद किए गए, साथ ही दो INSAS राइफल और एक .303 राइफल भी मिली। मारे गए माओवादियों में से एक की पहचान गणेश उइके के रूप में हुई है, जो सेंट्रल कमेटी का सदस्य और ओडिशा में नक्सली संगठन का प्रमुख था। बाकी तीन की पहचान अभी होनी बाकी है। गणेश पर 1.1 करोड़ रुपये का इनाम था। तीन माओवादी में दो महिलाएं भी शामिल इस ऑपरेशन में मारे गए तीन माओवादी में दो महिलाएं भी शामिल थीं, जिनकी पहचान अभी तक नहीं हो पाई है। पुलिस का कहना है कि इलाके में अभी भी सर्च ऑपरेशन जारी है। रिपोर्ट्स के अनुसार, स्पेशल इंटेलिजेंस विंग से मिली खुफिया जानकारी के आधार पर सुरक्षा बलों ने जॉइंट ऑपरेशन शुरू किया था। जब सुरक्षा बलों ने जंगल में प्रवेश किया, तो नक्सलियों ने फायरिंग शुरू कर दी, जिसके बाद सुरक्षाबलों ने भी जवाबी कार्रवाई की। इस मुठभेड़ में चारों नक्सलियों को मार गिराया गया। कौन था गणेश उइके? बता दें कि गणेश उइके सीपीआई (माओवादी) की केंद्रीय समिति का सदस्य था और ओडिशा में प्रतिबंधित संगठन का मुखिया माना जाता था। उसके सिर पर 1.1 करोड़ रुपये का इनाम घोषित किया गया था। गणेश उइके की उम्र 69 साल थी और वो तेलंगाना के नालगोंडा जिले के चेंदूर मंडल के पुललेमाला गांव का रहने वाला था। गणेश उइके को पक्का हनुमंतु, राजेश तिवारी, चमरू और रूपा जैसे कई नामों से जाना जाता था। बाकी तीन माओवादी, जिनमें दो महिलाएं भी शामिल हैं। जिनकी पहचान अब तक नहीं हो पाई है। पुलिस का कहना है कि इलाके में और भी खोजबीन की जा रही है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लोकभवन में पूर्व प्रधानमंत्री ‘भारत रत्न’ अटल बिहारी वाजपेयी जी की प्रतिमा पर की पुष्पांजलि

अटल जी ने विकास के विजन के साथ देश को बढ़ायाः मुख्यमंत्री मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लोकभवन में पूर्व प्रधानमंत्री ‘भारत रत्न’ अटल बिहारी वाजपेयी जी की प्रतिमा पर की पुष्पांजलि  मुख्यमंत्री ने महामना मदन मोहन मालवीय व राजा बिजली पासी की जयंती पर उन्हें किया नमन  सीएम योगी ने दी क्रिसमस की बधाई  लखनऊ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पूर्व प्रधानमंत्री ‘भारत रत्न’ अटल बिहारी वाजपेयी के जन्म दिवस पर उन्हें पुष्पांजलि अर्पित की। मुख्यमंत्री ने लोकभवन स्थित अटल जी की प्रतिमा पर श्रद्धासुमन अर्पित किया। सीएम ने महामना मदन मोहन मालवीय, राजा बिजली पासी की जयंती पर उन्हें नमन किया और क्रिश्चियन बंधुओं को क्रिसमस की भी बधाई दी।  सीएम योगी ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री ‘भारत रत्न’ अटल बिहारी वाजपेयी जी की आज पावन जयंती है। प्रदेश की राजधानी लखनऊ से प्रतिनिधित्व करते हुए उन्होंने प्रधानमंत्री के रूप में देश को विकास के नए विजन के साथ बढ़ाने का कार्य किया। यह वर्ष विशेष है, श्रद्धेय अटल बिहारी वाजपेयी जी की जन्मशताब्दी महोत्सव का आयोजन पूरे देश में हर्षोल्लास से मनाया जा रहा है। अटल जी की कविताओं के काव्य पाठ, उनके लेखन पर वाद-विवाद, पत्रकारिता, संसद और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अटल जी महत्वपूर्ण भाषण आदि को लेकर पूरे देश में शिक्षण-प्रशिक्षण संस्थाओं में अनेक कार्यक्रम भी हुए।  अटल जी ने संसद में सर्वाधिक समय तक उत्तर प्रदेश का प्रतिनिधित्व किया सीएम योगी ने कहा कि अटल जी की पैतृक भूमि उत्तर प्रदेश के आगरा के बटेश्वर में है। उनकी उच्च शिक्षा कानपुर और सार्वजनिक जीवन की शुरुआत बलरामपुर से शुरू हुई थी। संसद में उन्होंने सर्वाधिक समय तक उत्तर प्रदेश का प्रतिनिधित्व किया। अटल बिहारी वाजपेयी जी का विराट व्यक्तित्व व कृतित्व देशवासियों को प्रेरणा प्रदान करता है।  डबल इंजन सरकार ने किया राष्ट्र प्रेरणा स्थल का निर्माण सीएम योगी ने कहा कि अटल जी की स्मृतियों को जीवंत बनाए रखने और विचार परिवार को निरंतरता देने के लिए डबल इंजन सरकार ने लखनऊ में राष्ट्र प्रेरणा स्थल का निर्माण किया है। यहां भारत की तीन महान विभूतियां की प्रतिमाएं व डिजिटल म्यूजियम भी है। श्यामा प्रसाद मुखर्जी की प्रतिमा राष्ट्र के प्रति एकता व अखंडता का संदेश देगी। पं. दीनदयाल उपाध्याय का अंत्योदय का संकल्प व अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमा समरसता क साथ ही ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ के अभियान को आगे बढ़ाने का मार्ग दिखाएगी। पीएम के करकमलों से राष्ट्र प्रेरणा स्थल का लोकार्पण होगा।  सीएम ने महामना मदन मोहन मालवीय की जयंती पर भी उन्हें किया याद   सीएम योगी ने पं. मदन मोहन मालवीय को भी याद किया। उन्होंने कहा कि महान राष्ट्रवादी नेता, स्वतंत्रता संग्राम सेनानी, काशी हिंदू विश्वविद्यालय के संस्थापक पं. मदन मोहन मालवीय की भी आज पावन जयंती है। मालवीय जी का स्वाधीनता आंदोलन में महत्वपूर्ण योगदान रहा। उन्होंने 1916 में काशी हिंदू विश्वविद्यालय की स्थापना कर देशवासियों को दृष्टि दी। उनकी सेवाओं के लिए उन्हें ‘भारत रत्न’ से सम्मानित किया गया।  सीएम ने महाराजा बिजली पासी को भी किया नमन  सीएम योगी ने महाराजा बिजली पासी की पावन जयंती पर उन्हें भी नमन किया। कहा कि लखनऊ के महान योद्धा बिजली पासी ने भारत की सनातन परंपरा को अक्षुण्ण बनाए रखने के लिए विदेशी हुकुमतों की जड़ों को उखाड़ फेंका था। उन्होंने विदेशी आक्रांताओं का डटकर मुकाबला किया। सीएम ने बताया कि डबल इंजन सरकार बिजली पासी के किलों के पुनरुद्धार के लिए निरंतर कार्य करते हुए उस परंपरा से जुड़े सभी महान योद्धाओं के प्रति कृतज्ञता भी ज्ञापित कर रही है।  सीएम ने दी क्रिसमस की बधाई  सीएम ने क्रिश्चियन बंधुओं को क्रिसमस की भी बधाई दी। कहा कि सरकार प्रदेश में शांति व सौहार्द पूर्ण ढंग से इस त्योहार का भी आनंद लेने का अवसर उपलब्ध कराएगी।  इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक, कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही, जलशक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह, महापौर सुषमा खर्कवाल, विधान परिषद सदस्य गोविंद नारायण शुक्ल आदि मौजूद रहे।

टोरंटो में भयावह घटना: भारतीय महिला का शव घर में मिला, पार्टनर गफूर की तलाश जारी

टोरंटो  कनाडा के टोरंटो में एक भारतीय महिला की हत्या का मामला सामने आया है। भारतीय दूतावास ने इस मामले की पुष्टि करते हुए दुख जताया है। टोरंटो पुलिस ने महिला के पार्टनर अब्दुल गफूर की तलाश शुरू कर दी है। वह वारदात के बाद से फरार है। भारतीय दूतावास ने घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि भारतीय युवा नागिरक हिमांशी खुराना की मौत दुखद है। यह सूचना परिवार के लिए बेहद पीड़ादायक है। इस घड़ी में हम सब उनके साथ हैं। पीड़ित परिवार को इंसाफ दिलाने के लिए भारतीय दूतावास हर संभव मदद करेगा। पुलिस ने पार्टनर के खिलाफ जारी किया वारंट     टोरंटो पुलिस को शुक्रवार देर रात जानकारी दी गई थी कि 30 वर्षीय हिमांशी खुराना मिल नहीं रही है। उससे किसी भी तरह का कॉन्टैक्ट नहीं हो पा रहा है। ऐसे में पुलिस ने जांच शुरू की। 19 दिसंबर की रात उसकी तलाश शुरू हुई। 20 दिसंबर की सुबह उसका शव घर अंदर ही मिला।     पुलिस ने हिमांशी के पार्टनर अब्दुल गफूर के बारे में पता चला, लेकिन वह वहां मौजूद नहीं था। उसको तलाश किया गया, लेकिन वह घटना के बाद से ही फरार था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी कर दिया है। गफूरी की तलाश में जुटी पुलिस कनाडा पुलिस ने जानकारी दी कि पीड़िता और आरोपी रिलेशन में थे। उसकी हत्या के बाद से ही वह फरार है। उसकी तलाश की जा रही है। अभी उसके खिलाफ फर्स्ट डिग्री वारंट जारी किया है। उसका गुनाह साबित होने पर गैर-जमानती आजीवन कारावास की सजा मिलने की संभावना है।