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बागमती नदी पर एलिवेटेड ब्रिज बनाने 12 एकड़ भूमि होगी अधिग्रहित

मुजफ्फरपुर. औराई के बभनगामा में बागमती नदी पर एलिवेटेड ब्रिज के निर्माण के लिए 12.4857 एकड़ भूमि का अधिग्रहण किया जाएगा। समाहर्ता ने इसे लेकर स्वीकृति प्रदान कर दी है। बभनगामा मौजा के 87 रैयतों से इस भूखंड का अधिग्रहण किया जाएगा। इसकी अधिसूचना का प्रकाशन कर दिया गया है। इसके लिए समाजिक प्रभाव आकलन भी कराया जा चुका है। इसमें परियोजना को लोक प्रयोजनाथ बताया गया था। हालांकि भूमि अधिग्रहण के कारण कुछ परिवारों के विस्थापित होने की संभावना है। इन सभी को चिह्नित कर पुनर्वास योजना का लाभ भी दिया जाएगा। अब शीघ्र ही अधिग्रहित की जाने वाले भूमि का किस्म और दर का निर्धारण किया जाएगा। इसके लिए अपर समाहर्ता की अध्यक्षता में छह सदस्यीय कमेटी का गठन किया जाएगा। विदित हो कि औराई-हथौड़ी-अतरार-बभनगामा पथ का निर्माण किया जा रहा है। इसकी लंबाई 21.36 किलोमीटर है। इसी में बागमती नदी पर 3.35 किमी लंबा एलिवेटेड ब्रिज का निर्माण किया जाना है। इस परियोजना पर 814.22 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इसका निर्माण बिहार स्टेट रोड डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड के द्वारा किया जा रहा है। यह फोरलेन सड़क होगी। इस पथ के बनने से बाढ के समय भी औराई प्रखंड का संपर्क मुख्यालय से भंग नहीं होगा। सीतामढ़ी तक आवागमन सुगम होगी। इससे क्षेत्र के बीच सीधा संपर्क स्थापित होगा और लोगों को लंबे व घुमावदार रास्तों से राहत मिलेगी। वर्तमान में मुजफ्फरपुर और औराई के बीच आवागमन में लोगों को वैकल्पिक मार्गों के तौर पर सीतामढ़ी जिले का सहारा लेना पड़ता है, जिससे दूरी और समय दोनों अधिक लगते हैं। इस पथ के बनने के बाद यह समस्या समाप्त हो जाएगी। दो साल में सड़क निर्माण को पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।

सांवलिया सेठ के दरबार तक फोरलेन रोड बनने से राह होगी और आसान

जयपुर. मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र और मेवाड़–मालवा के हजारों श्रद्धालुओं के लिए आस्था के केंद्र श्री सांवलिया सेठ के दर्शन अब और भी आसान होंगे। रविवार को धीनवा स्थित खेल मैदान में आयोजित समारोह के दौरान बहुप्रतीक्षित निंबाहेड़ा–मंगलवाड़ फोरलेन सड़क निर्माण कार्य का विधि-विधान से भूमि पूजन कर शुभारंभ किया गया। श्रीकल्लाजी वेदपीठ के बटुकों ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ भूमि पूजन संपन्न कराया। मंच पर मौजूद रहे जिले के दिग्गज समारोह में क्षेत्रीय विधायक श्रीचंद कृपलानी के साथ चित्तौड़गढ़ विधायक चंद्रभान सिंह आक्या, चित्तौड़गढ़ भाजपा जिलाध्यक्ष रतनलाल गाडरी, प्रतापगढ़ जिलाध्यक्ष महावीर सिंह कृष्णावत, पूर्व विधायक अशोक नवलखा, निवर्तमान जिला प्रमुख गब्बर सिंह अहीर और निवर्तमान प्रधान बगदीराम धाकड़ मंचासीन रहे। साथ ही भाजपा जिला महामंत्री रघु शर्मा, एसटी मोर्चा प्रदेश मंत्री अमर सिंह रावत, नगर अध्यक्ष कपिल चौधरी, कनेरा मंडल अध्यक्ष जुगलकिशोर धाकड़, छोटीसादड़ी के पूर्व नपा अध्यक्ष श्यामसुंदर अग्रवाल, पूर्वी मंडल अध्यक्ष विक्रम कुमावत, पश्चिम मंडल अध्यक्ष लोकेश धाकड़ और क्षत्रिय महासभा के नारायण सिंह बडौली ने भी शिरकत की। प्रशासनिक अधिकारियों में आरएसआरडीसी के डीजीएम आरके माहेश्वरी, प्रोजेक्ट डायरेक्टर लालचंद वर्मा और उपखंड अधिकारी विकास पंचौली उपस्थित रहे। पिछली सरकार ने केवल घोषणाएं की: कृपलानी विधायक श्रीचंद कृपलानी ने कहा कि इस फोरलेन का शिलान्यास मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने किया था। हालांकि तकनीकी कारणों से कार्य में कुछ देरी हुई, लेकिन अब काम पूरी गति से शुरू हो चुका है। उन्होंने पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि पिछली सरकार ने इस सड़क को लेकर केवल घोषणाएं कीं, जबकि धरातल पर काम वर्तमान भाजपा सरकार ने शुरू करवाया है। कृपलानी ने नगर परिषद पर लगे भ्रष्टाचार के आरोपों को भी निराधार बताया। विकास की बनेगी आधारशिला विधायक चंद्रभान सिंह आक्या ने इस प्रोजेक्ट को क्षेत्र के आर्थिक, सामाजिक और धार्मिक विकास की आधारशिला बताया। उन्होंने कहा कि इस मार्ग के बनने से न केवल यातायात सुरक्षित होगा, बल्कि पूरे क्षेत्र के विकास को नई गति मिलेगी। चर्चा का विषय : घर में होकर भी कार्यक्रम से दूर रहे मंत्री दक विकास की इस बड़ी सौगात के बीच राजनीतिक गलियारों में अनुपस्थिति की चर्चा जोरों पर रही। यह फोरलेन सड़क सहकारिता मंत्री गौतम दक के गृह क्षेत्र से गुजरती है और उनके विधानसभा क्षेत्र के लोगों को इसका सीधा लाभ मिलना है। मंत्री दक का कार्यक्रम में शामिल न होना कौतूहल का विषय बना रहा। सूत्रों के अनुसार, मंत्री दक उस समय अपने निवास पर जनसुनवाई कर रहे थे। वहीं सांसद सीपी जोशी भी अंतिम समय में किसी अपरिहार्य कारण से कार्यक्रम में नहीं पहुंच सके। क्षेत्र में चर्चा रही कि आखिर गृह क्षेत्र के इतने बड़े प्रोजेक्ट के शुभारंभ से मंत्रीजी ने दूरी क्यों बनाए रखी?

स्कूलों को उड़ाने की धमकी से दहशत: जालंधर के DAV और APJ स्कूल अलर्ट पर, पुलिस जांच तेज

जालंधर पुलिस के मुताबिक ईमेल भेजने वाले की पहचान के लिए साइबर सेल को जांच सौंपी गई है। मेल की तकनीकी पड़ताल की जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि संदेश किस लोकेशन और किस आईडी से भेजा गया। जानकारी के अनुसार जालंधर के एपीजे स्कूल और पुलिस डीएवी स्कूल समेत कई शिक्षण संस्थानों को ईमेल के जरिए बम से उड़ाने की धमकी मिली है। मेल में होली वाले दिन खून की होली और खतरनाक होली खेलने जैसी आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया गया है। इतना ही नहीं, संदेश में ट्रेनों को भी निशाना बनाने का जिक्र होने से मामला और गंभीर हो गया है। धमकी भरा ईमेल सामने आते ही पुलिस और प्रशासन हरकत में आ गया। संबंधित स्कूलों में तुरंत पुलिस टीमें भेजी गईं। एहतियातन बच्चों को स्कूल परिसर से बाहर निकाला गया और सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया गया। बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वायड भी मौके पर बुलाए गए हैं। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक ईमेल भेजने वाले की पहचान के लिए साइबर सेल को जांच सौंपी गई है। मेल की तकनीकी पड़ताल की जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि संदेश किस लोकेशन और किस आईडी से भेजा गया। शहर में एक ही दिन दो फायरिंग की घटनाओं ने पहले ही कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए थे। ऐसे में स्कूलों को मिली धमकी ने अभिभावकों की चिंता बढ़ा दी है। पुलिस का कहना है कि फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है और सुरक्षा के सभी जरूरी इंतजाम किए गए हैं। लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देने की अपील की गई है।

पटना में अंडरग्राउंड नाला-सड़क प्रोजेक्ट का CM नीतीश ने किया निरीक्षण

पटना. मुख्यमंत्री ने  सोमवार को अचानक मोइनुल हक स्टेडियम के पास चल रहे सैदपुर भूमिगत नाला और सड़क निर्माण कार्य का निरीक्षण किया. उनके साथ जल संसाधन मंत्री विजय कुमार चौधरी भी मौजूद थे. मुख्यमंत्री ने प्रोजेक्ट की प्रगति देखते हुए अधिकारियों को दो टूक शब्दों में निर्देश दिया कि काम की गुणवत्ता से समझौता किए बिना निर्माण में तेजी लाई जाए ताकि समय सीमा के भीतर जनता को इसका लाभ मिल सके. मोइनुल हक स्टेडियम इलाके में चल रहा काम निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री मोइनुल हक स्टेडियम के पास सैदपुर नाला से पहाड़ी तक बन रहे भूमिगत नाला और सड़क परियोजना का जायजा लेने पहुंचे. यह परियोजना राजधानी के जलजमाव की समस्या को कम करने के लिए अहम मानी जा रही है. मुख्यमंत्री के साथ जल संसाधन एवं संसदीय कार्य मंत्री विजय कुमार चौधरी भी मौजूद रहे. अधिकारियों ने मौके पर प्रोजेक्ट की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की और आगे की कार्ययोजना से अवगत कराया. 260 करोड़ की लागत से बन रहा प्रोजेक्ट नगर विकास एवं आवास विभाग के अंतर्गत बुडको (BUIDCO) द्वारा संचालित यह प्रोजेक्ट पटना के बुनियादी ढांचे के लिए गेमचेंजर माना जा रहा है. इस योजना की खासियत यह है कि इसमें सैदपुर नाले को पूरी तरह अंडरग्राउंड यानी भूमिगत किया जा रहा है और उसके ऊपर एक आधुनिक सड़क का निर्माण हो रहा है. इससे न केवल इलाके की गंदगी और बदबू खत्म होगी, बल्कि पहाड़ी इलाके तक जाने के लिए शहर को एक नया और चौड़ा रास्ता भी मिलेगा. अधिकारियों ने बताया कि परियोजना पूरी होने पर शहर के कई इलाकों में जलजमाव की समस्या में उल्लेखनीय सुधार होगा. जलजमाव और जाम का परमानेंट समाधान सैदपुर नाला प्रोजेक्ट के पूरा होते ही राजधानी के एक बड़े हिस्से को भीषण जलजमाव से मुक्ति मिल जाएगी. भूमिगत नाले के ऊपर बनने वाली सड़क राजेंद्र नगर और आसपास के इलाकों के लिए वैकल्पिक मार्ग का काम करेगी, जिससे मुख्य सड़कों पर ट्रैफिक का दबाव कम होगा. इस मौके पर जिले के कई वरीय अधिकारी भी मौजूद रहे. मुख्यमंत्री के इस दौरे से स्पष्ट है कि सरकार इस साल के अंत तक पटना के प्रमुख बुनियादी ढांचा परियोजनाओं को पूरा करने के लिए पूरी तरह गंभीर है. सीएम ने पहले भी किया है निरीक्षण मुख्यमंत्री पहले भी इस परियोजना का कई बार निरीक्षण कर चुके हैं. लगातार निगरानी से यह संकेत मिलता है कि सरकार इस प्रोजेक्ट को प्राथमिकता में रखे हुए है. निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों से कहा कि गुणवत्ता से समझौता किए बिना कार्य को समयसीमा के भीतर पूरा किया जाए. इस मौके पर नगर विकास विभाग के सचिव अभय कुमार सिंह, नगर आयुक्त अनिमेष परासर सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे.

कनाडा से भारत को मिलेगा यूरेनियम, पीएम मोदी और कार्नी की मुलाकात में कई महत्वपूर्ण समझौते हुए तय

 नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनके कनाडाई समकक्ष मार्क कार्नी ने सोमवार को दिल्ली में मुलाकात की. इस दौरान दोनों देशों के बीच कई अहम समझौतों पर हस्ताक्षर हुए. बैठक के बाद जारी संयुक्त बयान में पीएम मोदी ने कहा कि दोनों देशों के बीच नागरिक परमाणु ऊर्जा में लंबी अवधि के लिए यूरेनियम सप्लाई का एक महत्वपूर्ण समझौता हुआ है. दोनों देश छोटे मॉड्यूलर रिएक्टर और उन्नत रिएक्टरों पर साथ काम करेंगे. -कनाडाई प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने कहा, 'पिछले दशक में पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत दुनिया की सबसे तेज़ी से बढ़ती अर्थव्यवस्था बन गया है. यहां प्रति व्यक्ति आय का विकास ऐसा रहा है जो इतिहास में बहुत कम देखा गया है. कनाडा आपके इसी उत्साह और उद्देश्य की भावना को साझा करता है. मुझे लगता है कि इस नए युग में सफलता का मार्ग 2023 में आपके G20 अध्यक्षता के विषय ‘One Earth, One Family, One Future’ में अच्छे से दिखाया गया है, क्योंकि हमारे समय की चुनौतियों को अकेला कोई देश हल नहीं कर सकता.' -कनाडाई प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने कहा, 'पिछले वर्ष में कनाडा और भारत की सरकारों के बीच जो संवाद हुआ है, वह पिछले दो दशकों में हुए सभी संवादों से अधिक है. यह केवल संबंधों का नवीनीकरण नहीं है, बल्कि नए उत्साह, ध्यान और दूरदर्शिता के साथ एक मूल्यवान साझेदारी का विस्तार है. यह दो आत्मविश्वासी देशों के बीच एक साझेदारी है, जो अपने भविष्य की दिशा स्वयं तय कर रहे हैं.' -पीएम मोदी ने कहा कि दुनिया में चल रहे कई तनावों पर भारत की स्थिति स्पष्ट है. हम हमेशा शांति और स्थिरता बनाए रखने की बात करते रहे हैं, और जब दो लोकतंत्र एक साथ खड़े होते हैं, तो शांति की आवाज और मजबूत हो जाती है. पश्चिम एशिया की वर्तमान स्थिति हमारे लिए गहरी चिंता का विषय है. भारत सभी विवादों को संवाद और कूटनीति के माध्यम से सुलझाने का समर्थन करता है और क्षेत्र में सभी भारतीय नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी देशों के साथ करीबी सहयोग जारी रखेगा. -प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि कनाडा भारत के लिए इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण साझेदार है. हम उनका भारतीय महासागर रिम एसोसिएशन में डायलॉग पार्टनर बनने में रुचि दिखाने का स्वागत करते हैं, जिससे हमारी समुद्री सहयोग में नई गहराई आएगी. उन्होंने कहा कि आतंकवाद, उग्रवाद और कट्टरवाद सिर्फ दोनों देशों के लिए ही नहीं, बल्कि पूरी मानवता के लिए गंभीर और साझा चुनौती हैं. इनके खिलाफ हमारी करीबी सहयोग वैश्विक शांति और स्थिरता के लिए अहम है. -प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि हमारे संबंधों की सबसे बड़ी ताकत लोगों के बीच जुड़ाव है. आज हमने इन्हें और मजबूत करने के लिए कई अहम फैसले लिए हैं. आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, स्वास्थ्य, कृषि और इनोवेशन के क्षेत्रों में कई विश्वविद्यालयों के बीच नए साझेदारी की घोषणा की गई है. इसके अलावा, कनाडाई विश्वविद्यालयों द्वारा भारत में कैंपस खोलने पर भी सहमति बनी है. आदिवासी और जनजातीय समुदाय हमारे साझा सांस्कृतिक विरासत का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं. दोनों पक्षों के बीच आज सांस्कृतिक आदान-प्रदान बढ़ाने के लिए एक एमओयू भी हस्ताक्षरित किया गया. -प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत में इंडिया-कनाडा पल्स प्रोटीन सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित किया जाएगा. उन्होंने कहा कि रक्षा और सुरक्षा के क्षेत्र में बढ़ता सहयोग हमारे गहरे आपसी भरोसे और संबंधों की परिपक्वता का प्रतीक है. दोनों देश रक्षा उद्योग, समुद्री क्षेत्र की निगरानी और सैन्य आदान-प्रदान को बढ़ावा देने के लिए काम करेंगे. इसी उद्देश्य से आज इंडिया-कनाडा डिफेंस डायलॉग स्थापित करने का निर्णय लिया गया. -CAMECO के अध्यक्ष टिम गिट्ज़ेल और कनाडा में भारत के उच्चायुक्त दिनेश पट्टनाइक ने परमाणु ऊर्जा विभाग और CAMECO के बीच यूरेनियम अयस्क आपूर्ति समझौते के दस्तावेजों का आदान-प्रदान किया. -प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, 'आज साइन किए गए क्रिटिकल मिनरल्स पर MoU से सप्लाई चेन की मजबूती बढ़ेगी. अंतरिक्ष क्षेत्र में हम दोनों देशों की स्टार्टअप्स और उद्योगों को जोड़ेंगे. ऊर्जा क्षेत्र में हम अगले स्तर की साझेदारी बना रहे हैं, जिसमें हाइड्रोकार्बन्स, रिन्यूएबल एनर्जी, ग्रीन हाइड्रोजन और ऊर्जा भंडारण पर विशेष ध्यान दिया जाएगा.' -पीएम मोदी ने कहा, 'हम टेक्नोलॉजी और इनोवेशन में स्वाभाविक साझीदार हैं. भारत-कनाडा इनोवेशन पार्टनरशिप के तहत हम नए विचारों को वैश्विक समाधान में बदलेंगे. मैं प्रधानमंत्री कार्नी का धन्यवाद करता हूं कि उन्होंने पिछले महीने भारत में आयोजित AI इम्पैक्ट समिट की सफलता में कनाडा का महत्वपूर्ण योगदान दिया. हम AI के साथ-साथ क्वांटम, सुपरकंप्यूटिंग और सेमीकंडक्टर्स में सहयोग बढ़ाएंगे.' -प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, 'हमें खुशी है कि कनाडा ने अंतरराष्ट्रीय सोलर अलायंस और ग्लोबल बायोफ्यूल अलायंस में शामिल होने का निर्णय लिया है. अपने साझा प्रयासों को आगे बढ़ाने के लिए हम इस साल भारत-कनाडा रिन्यूएबल एनर्जी और स्टोरेज समिट आयोजित करेंगे. नागरिक परमाणु ऊर्जा में हमने लंबी अवधि के लिए यूरेनियम सप्लाई का एक महत्वपूर्ण समझौता किया है. हम छोटे मॉड्यूलर रिएक्टर और उन्नत रिएक्टरों पर भी साथ काम करेंगे.' -कनाडा के अंतरराष्ट्रीय व्यापार मंत्री मनिंदर सिद्धू और केंद्रीय वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने CEPA के लिए टर्म्स ऑफ रेफरेंस और संयुक्त पल्स प्रोटीन सेंटर ऑफ एक्सीलेंस पर डिक्लेरेशन ऑफ इंटेंट के दस्तावेजों का आदान-प्रदान किया. -प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, 'मैं अपने मित्र प्रधानमंत्री कार्नी को हमारे सहयोग में बढ़ती गति के लिए श्रेय देता हूं. भारत और कनाडा लोकतांत्रिक मूल्यों में अडिग विश्वास रखते हैं. हम विविधता का जश्न मनाते हैं. मानवता की भलाई हमारी साझा दृष्टि है. यही दृष्टि हमें हर क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करती है. आज हमने इस दृष्टि को अगले स्तर की साझेदारी में बदलने पर चर्चा की. हमारा लक्ष्य 2030 तक व्यापार को 50 बिलियन डॉलर तक ले जाना है. आर्थिक सहयोग की पूरी संभावनाओं को अनलॉक करना हमारी प्राथमिकता है. इसलिए हमने जल्द ही व्यापक आर्थिक साझेदारी समझौते (Comprehensive Economic Partnership Agreement) को अंतिम रूप देने का निर्णय लिया है. इससे दोनों देशों में नए निवेश और रोजगार के अवसर पैदा होंगे. कनाडाई पेंशन फंड्स ने भारत में 100 बिलियन डॉलर का निवेश किया है. यह उनके भारत की विकास कहानी में गहरे विश्वास का प्रतीक है. आज हम दोनों देशों के बिजनेस लीडर्स से भी मिलेंगे. उनके सुझाव हमारी आर्थिक साझेदारी को … Read more

भद्रा दोष और चंद्र ग्रहण: कब होगा होलिका दहन, आज या कल? जानें शुभ मुहूर्त

बुराई पर अच्छाई की जीत का महापर्व होलिका दहन को लेकर इस साल बड़ा कंफ्यूजन बना हुआ है। कुछ लोग कह रहे हैं कि 2 मार्च को होलिका दहन होगा तो कुछ 3 मार्च की तिथि बता रहे हैं। दरअसल, इस बार 3 मार्च को चंद्र ग्रहण लग रहा है जिस वजह से ये असमंजस बना हुआ है। शास्त्रों के अनुसार, फाल्गुन मास की पूर्णिमा तिथि को यह उत्सव बड़े ही उल्लास के साथ मनाया जाता है। हालांकि, इस वर्ष होलिका दहन पर 'भद्रा' का साया रहने के कारण शुभ मुहूर्त को लेकर काफी चर्चा है। भद्रा काल में होलिका दहन वर्जित माना जाता है, इसलिए ज्योतिषीय गणना के अनुसार भद्रा के पुंछ काल में ही अग्नि प्रज्वलित की जाएगी। आइए जान लेते हैं कि होलिका दहन इस साल आज किया जाएगा या कल और किस समय होगी पूजा… क्यों किया जाता है होलिका दहन? होलिका दहन क्यों किया जाता है वो सभी के लिए जानना बहुत जरूरी है। बता दें कि भगवान विष्णु के परम भक्त प्रह्लाद की रक्षा और अधर्मी होलिका के अंत की यह कथा हमें नकारात्मकता को त्याग कर सकारात्मकता अपनाने का संदेश देती है। हालांकि होलिका दहन को लेकर कई सारी पौराणिक कथाएं प्रचलित है। आइए जानते हैं कि आज रात भद्रा कब तक रहेगी, पूजा का सबसे सटीक शुभ मुहूर्त क्या है और किस विधि से पूजा करने पर आपके परिवार में सुख-समृद्धि आएगी। होलिका दहन 2026: तिथि और पूर्णिमा का समय ज्योतिषाचार्यों के अनुसार, इस बार तिथियों का गणित कुछ इस प्रकार है: पूर्णिमा तिथि प्रारंभ: 2 मार्च 2026, सोमवार शाम 05:55 बजे से। पूर्णिमा तिथि समापन: 3 मार्च 2026, मंगलवार शाम 05:07 बजे तक। विशेष: 2 मार्च को होलिका दहन होगा, 3 मार्च को चंद्र ग्रहण का प्रभाव रहेगा और 4 मार्च को रंगों वाली होली खेली जाएगी। भद्रा का साया: क्यों है इस बार होलिका दहन खास? 2 मार्च को जैसे ही पूर्णिमा तिथि शुरू होगी, वैसे ही भद्रा का प्रारंभ भी शाम 05:55 बजे से हो जाएगा, जो अगले दिन 3 मार्च की सुबह 05:28 बजे तक रहेगी। शास्त्रों में भद्रा मुख में होलिका दहन को 'अशुभ' माना गया है। ऐसी स्थिति में जब भद्रा पूरी रात व्याप्त हो, तब भद्रा पुंछ के समय में दहन करना शास्त्र सम्मत और कल्याणकारी होता है। कब किया जाएगा होलिका दहन जानें शुभ मुहूर्त? आज रात भद्रा के पुंछ काल में दहन का सबसे श्रेष्ठ मुहूर्त निम्नलिखित है: होलिका दहन मुहूर्त: मध्य रात्रि 12:50 बजे से 02:27 बजे तक (2 मार्च की रात)। नोट: इस सीमित समय में ही पूजा और दहन संपन्न करना लाभकारी रहेगा। होलिका पूजन की संपूर्ण विधि और मंत्र पूजा के समय अपना मुख उत्तर या पूर्व दिशा की ओर रखें और नीचे बताई गई विधि अनुसार पूजा करें- जल अर्पण: पूजा स्थल पर दूध और घी मिश्रित जल छिड़कें। सामग्री अर्पण: अक्षत, फूल, रोली, हल्दी, मूंग, गुड़ और गेहूं की सात बालियां अर्पित करें। परिक्रमा: कच्चा सूत लेकर होलिका की 3 या 7 बार परिक्रमा करें और सुख-समृद्धि की कामना करें। सिद्ध मंत्र: पूजा के दौरान इन मंत्रों का जाप करें: ओम होलिकायै नम: ओम प्रह्लादाय नम: ओम नृसिंहाय नम: पूजा सामग्री की चेकलिस्ट शुभ फल की प्राप्ति के लिए पूजा में इन चीजों को शामिल करना न भूलें: सूखी लकड़ियां और गोबर के उपले (बड़कुल्ले) की माला। कच्चा सूत, अक्षत, रोली, फूल और हल्दी। गुलाल, बताशा, नारियल, मिठाई और कपूर। एक कलश में शुद्ध जल। धार्मिक महत्व: क्यों जलाई जाती है होली? होलिका दहन केवल एक परंपरा नहीं, बल्कि विश्वास की जीत है। यह कथा भक्त प्रह्लाद की अटूट आस्था और भगवान नरसिंह के अवतार की याद दिलाती है। मान्यता है कि होलिका की पवित्र अग्नि में घर की नकारात्मकता, बीमारियां और बुरी शक्तियां जलकर भस्म हो जाती हैं। सामूहिक रूप से दहन करने से सामाजिक एकता और भाईचारा बढ़ता है।

शांति और स्थिरता की दी अपील ईरान का ड्रोन अटैक: सऊदी की Aramco रिफाइनरी पर हमला, PM मोदी का शांति और स्थिरता पर जोर

दुबई दुबई में स्थित दुनिया के सबसे बड़े ऑयल टैंक 'अरामको' पर ईरान ने अटैक किया है. रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, सऊदी अरब की सरकारी तेल कंपनी अरामको ने ड्रोन हमलों के बाद सोमवार को अपनी रास तनुरा तेल रिफाइनरी बंद कर दी. रिपोर्ट के मुताबिक, बंद होने की खबरों से ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमतें 9.32% बढ़ गई हैं. यह जगह सऊदी की सबसे बड़ी और सबसे स्ट्रेटेजिक एनर्जी साइट्स में से एक है. हमले के बाद इसके प्रोसेसिंग कॉम्प्लेक्स में आग लग गई. अधिकारियों का कहना है कि आग पर काबू पा लिया गया है और किसी के हताहत होने की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन इस घटना ने इलाके में ज़रूरी एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर को लेकर चिंता पैदा कर दी है. रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, एक अधिकारी के ने बताया कि अरामको की रास तनुरा रिफाइनरी को एहतियात के तौर पर बंद कर दिया गया है. अधिकारी ने कहा कि स्थिति कंट्रोल में है. ईरान युद्ध के बीच PM मोदी का बड़ा बयान पश्चिम एशिया (West Asia) में जारी भीषण युद्ध और ईरान-इजरायल संघर्ष के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी की ऐतिहासिक मुलाकात भारत की कूटनीति के लिए एक नया अध्याय साबित हो सकती है. नई दिल्ली में हुई इस बैठक में दोनों देशों ने न केवल द्विपक्षीय संबंधों को 'नेक्स्ट लेवल पार्टनरशिप'  पर ले जाने का संकल्प लिया, बल्कि वैश्विक शांति के लिए एक मजबूत संदेश भी साझा किया. प्रधानमंत्री मोदी ने स्पष्ट किया कि पश्चिम एशिया की वर्तमान स्थिति भारत के लिए गहरी चिंता का विषय है. उन्होंने जोर देकर कहा कि भारत हमेशा से ही शांति और स्थिरता का पक्षधर रहा है और सभी विवादों का समाधान 'डायलॉग और डिप्लोमेसी' (संवाद और कूटनीति) के माध्यम से होना चाहिए.  पीएम मोदी ने कहा कि क्षेत्र में मौजूद भारतीय नागरिकों की सुरक्षा भारत की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इस दिशा में सभी संबंधित देशों के साथ मिलकर काम जारी रहेगा. उन्होंने दोहराया कि “हमने हमेशा शांति और स्थिरता की अपील की है.” आतंकवाद, उग्रवाद और कट्टरपंथ को लेकर भी दोनों नेताओं के बीच गंभीर चर्चा हुई. इस दौरान दोनों नेताओं ने आतंकवाद और कट्टरपंथ को पूरी मानवता के लिए एक साझा खतरा बताते हुए इसके खिलाफ एकजुट होने का आह्वान किया. रक्षा क्षेत्र में एक बड़ा कदम उठाते हुए भारत और कनाडा ने 'इंडिया-कनाडा डिफेंस डायलॉग' की स्थापना का निर्णय लिया है.  इसके माध्यम से दोनों देश डिफेंस इंडस्ट्री, मिलिट्री एक्सचेंज और मैरीटाइम डोमेन अवेयरनेस (समुद्री सुरक्षा जागरूकता) को बढ़ावा देंगे. पीएम मोदी ने इस क्षेत्र में रह रहे लाखों भारतीय नागरिकों की सुरक्षा को अपनी सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए कहा कि भारत उनकी सलामती के लिए सभी देशों के साथ मिलकर काम करना जारी रखेगा. ईरान जंग का ख़तरनाक दौर… दुनिया भर में, ईरान जंग के बढ़ने के बाद क्रूड ऑयल की कीमतों में चार साल में सबसे ज़्यादा उछाल आया है, क्योंकि होर्मुज स्ट्रेट के ज़रिए व्यापार करीब रुक गया है. यह एक ऐसा पानी का रास्ता है, जो रोज़ाना दुनिया का करीब पांचवें हिस्से का कच्चा तेल ले जाता है. हालांकि, ईरान ने ऑफिशियली चैनल बंद नहीं किया है, लेकिन जहाज़ मालिकों ने लड़ाई के बीच खुद ही रोक लगा दी है. ईरान युद्ध ग्लोबल ऑयल मार्केट के लिए एक खतरनाक नया दौर है. US और इज़रायल ने शनिवार को ईरान में कई जगहों पर मिसाइलें दागीं और लोकल लोगों से इस्लामिक शासन को उखाड़ फेंकने की अपील की. ईरान के सुप्रीम लीडर, अयातुल्ला अली खामेनेई के मारे जाने के बाद तेहरान ने इज़रायल के साथ-साथ सऊदी अरब, कतर, यूनाइटेड अरब अमीरात, कुवैत और बहरीन जैसे देशों में US बेस और दूसरे ठिकानों पर हमलों की झड़ी लगा दी. 

हरियाणा के धार्मिक स्थलों तक चलेंगी इलेक्ट्रिक बसें

चंडीगढ़. हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने सोमवार को विधानसभा में बतौर वित्त मंत्री ₹2,23,658.17 करोड़ का बजट पेश किया। यह पिछले बजट की तुलना में 10.28 प्रतिशत ज्यादा है। सैनी ने बजट भाषण की शुरुआत गुरु नानक देव जी के सिद्धांत, ‘किरत कर, नाम जप, वंड छक’ से की। अभी CM सैनी बजट भाषण पढ़ रहे हैं। वहीं मुख्यमंत्री नायब सैनी ने कहा कि चंडीगढ़-दिल्ली एयरपोर्ट-गुरुग्राम और चंडीगढ़ से मुख्य धार्मिक स्थलों जैसे कटरा, सालासर, खाटूश्याम, हरिद्वार, अमृतसर आदि की यात्रा के लिए हरियाणा रोडवेज द्वारा 50 नई इलेक्ट्रिक बसों की खरीद की जाएगी, जिससे पर्यावरण के अनुकूल परिवहन को बढ़ावा मिलेगा। वर्तमान में 12 शहरों में चल रही इलैक्ट्रिक सिटी बसों के समान यह सेवा शेष जिला मुख्यालयों में भी शुरू की जाएगी। विद्यार्थियों को बेहतर यातायात सुविधाएं प्रदान करने के लिए 1,000 नई बसों की खरीद की जाएगी, और महिला यात्रियों व छात्राओं के लिए समर्पित बसों की संख्या 273 से बढ़ाकर 500 की जाएगी। इसके अतिरिक्त, कनीना, नरवाना, गन्नौर एवं कलायत में नए बस अड्डों का निर्माण किया जाएगा, और एचएसएससी के परीक्षार्थियों को मुफ्त यात्रा सुविधा देने के लिए एक वेब पोर्टल बनाया जाएगा। इन पहलों का उद्देश्य राज्य में परिवहन सेवाओं को सुगम, सुरक्षित और पर्यावरण के प्रति अधिक जिम्मेदार बनाना है।

बिहार में जमीन रजिस्ट्री से पहले ई-पोर्टल पर देनी होगी जानकारी

सहरसा. बिहार में अब बिना पूरी जांच किए जमीन (Bihar Bhumi) की रजिस्ट्री नहीं होगी। सरकार ने निबंधन से पहले भूमि की अद्यतन स्थिति स्पष्ट करने की नई व्यवस्था को वित्तीय वर्ष 2026-27 से लागू करने का निर्णय लिया है। विभाग के ई-निबंधन पोर्टल पर जमीन के संबंध में 13 बिंदुओं की विस्तृत जानकारी उपलब्ध रहेगी। सीओ मौनी बहन ने बताया कि नई व्यवस्था के तहत अब किसी भी जमीन का निबंधन कराने से पहले खरीदार को ई-निबंधन पोर्टल पर संबंधित भूमि की विस्तृत जानकारी अपलोड करनी होगी। इसके बाद अंचलाधिकारी और राजस्व पदाधिकारी निर्धारित समय सीमा के भीतर उस नई व्यवस्था के अनुसार अंचल कार्यालय को 10 दिन के भीतर जमीन को अद्यतन स्थिति आवेदक को उपलब्ध करानी होगी। यह रिपोर्ट सीधे आवेदक के लॉग इन अकाउंट पर दिखाई देगा। आवेदक को ऐसे करना होगा आवेदन नई व्यवस्था के तहत जमीन की खरीदारी करने वाले व्यक्ति को ई-निबंधन पोर्टल पर अपना अकाउंट बनाकर लॉग-इन करना होगा। इसके बाद उक्त जमीन से संबंधित सभी जरूरी विवरण भरने होंगे। इसमें निबंधन कार्यालय, अंचल, मौजा, थाना संरख्या, खाता-खेसरा, रकबा, चौहदी, जमाबंदी संख्या, जमाबंदी धारक का नाम, क्रेता-विक्रेता क विवरण और भूमि का प्रकार शामिल रहेगा। सभी जानकारियां भरने के बाद पोर्टल पर एक विकल्प उपलब्ध होगा, जिसमें यह पूछा जाएगा कि क्या आवेदक भूमि के संबंध में अद्यतन जानकारी चाहता है। इस विकल्प का चयन करते ही पूरा विवरण संबंधित अंचलाधिकारी और राजस्व कर्मचारी के लॉगिन में स्वतः पहुंच जाएगा। साथ ही आवेदक और संबंधित अधिकारियों को एसएमएस के माध्यम से सूचना भी भेजी जाएगी।

लाडो लक्ष्मी योजना में CM ने आय सीमा बढ़ाकर की 1.80 लाख रुपए

चंडीगढ़. हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने सोमवार को विधानसभा में बतौर वित्त मंत्री ₹2,23,658.17 करोड़ का बजट पेश किया। यह पिछले बजट की तुलना में 10.28 प्रतिशत ज्यादा है। सैनी ने बजट भाषण की शुरुआत गुरु नानक देव जी के सिद्धांत, ‘किरत कर, नाम जप, वंड छक’ से की। अभी CM सैनी बजट भाषण पढ़ रहे हैं। मुख्यमंत्री नायब सैनी ने दीन दयाल लाडो लक्ष्मी योजना का दायरा बढ़ाने की घोषणा की है। 25 सितंबर 2026 से इस योजना के अंतर्गत पात्रता आय सीमा को बढ़ाकर 1.80 लाख रुपए कर दिया जाएगा। इस बजट में इस योजना के तहत 6500 करोड़ रुपए का बजट आवंटित किया गया है। पिछले साल बजट में इसके लिए 5 हजार करोड़ रुपए रखे गए थे।