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आसमान में स्वाति का कमाल: Mi-17V5 फ्लाईपास्ट लीड कर बेटियों के लिए बनीं मिसाल

नागौर नागौर जिले के छोटे से गांव प्रेमपुरा की बेटी, स्क्वाड्रन लीडर स्वाति राठौड़, आज पूरे देश के लिए गर्व का प्रतीक हैं। साधारण परिवार से निकलकर उन्होंने भारतीय वायुसेना में स्क्वाड्रन लीडर का पद हासिल किया। 26 जनवरी 2021 को गणतंत्र दिवस परेड में Mi-17 V5 हेलीकॉप्टर उड़ाते हुए फ्लाईपास्ट का नेतृत्व करने वाली वे पहली महिला पायलट बनीं, जिसने वायुसेना के इतिहास में मील का पत्थर स्थापित किया। पहली कोशिश में हुई सफल बचपन से देशभक्ति से ओतप्रोत स्वाति ने अजमेर में स्कूल के दौरान पेंटिंग प्रतियोगिता में तिरंगा बनाकर अपने पायलट बनने के सपने को दुनिया के सामने रखा। 2014 में पहली ही कोशिश में वे वायुसेना में चयनित हुईं। 2016 में इंडक्शन के बाद 2018 केरल बाढ़ में रेस्क्यू मिशन में उन्होंने बहादुरी दिखाई। चिनूक हेलीकॉप्टर पायलटों में से एक हैं स्वाति 2022 में स्वाति राठौड़ भारत की पहली महिला चिनूक हेलीकॉप्टर पायलटों में शामिल हुईं (स्क्वाड्रन लीडर परुल भारद्वाज के साथ), जो एलएसी के निकट उत्तरी-पूर्वी सेक्टर में तैनात हैं। उनके पति भारतीय सेना में मेजर हैं, जबकि उनके भाई मर्चेंट नेवी में हैं, जो परिवार की सेवा-भावना को दर्शाता है। जज्बे को सलाम अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर स्वाति राठौड़ हमें यह सिखाती हैं कि मरूस्थल की रेत से भी आसमान छुआ जा सकता है। उनकी कहानी मेहनत, जज्बे और नारी शक्ति की जीती-जागती मिसाल है, जो राजस्थान की बेटियों के लिए नई ऊंचाइयां तय कर रही है।

उड़ान के दौरान राज्यपाल गुरमीत सिंह के हेलीकॉप्टर में गड़बड़ी, श्रीनगर में सुरक्षित इमरजेंसी लैंडिंग

श्रीनगर गढ़वाल टिहरी से लौट रहे राज्यपाल ले. जनरल गुरमीत सिंह (सेनि) के हेलीकॉप्टर में अचानक तकनीकी खराबी आने से हड़कंप मच गया। स्थिति को देखते हुए पायलट ने सूझबूझ दिखाते हुए हेलीकॉप्टर को इमरजेंसी के तौर पर श्रीनगर स्थित जीवीके हेलीपैड पर उतार दिया। जिससे किसी तरह की अनहोनी टल गई। फिलहाल राज्यपाल के आगे के कार्यक्रम को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है। तकनीकी जांच पूरी होने के बाद ही अगली उड़ान को लेकर निर्णय लिया जाएगा। कोतवाली निरीक्षक कुलदीप सिंह ने कहा कि राज्यपाल पुलिस गेस्ट हाउस में हैं। तकनीकी खराबी ठीक होते ही वह यहां से रवाना होंगे।

दुर्ग के फार्महाउस में 5 एकड़ अफीम की खेती, बाउंसर्स थे तैनात; भाजपा नेता ने डिजिटल सर्वे में किया गेहूं-मक्का का दावा

दुर्ग  छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में ग्राम समोदा में शिवनाथ नदी किनारे मक्के की फसल की आड़ में बड़े पैमाने पर अवैध अफीम की खेती की जा रही थी। मामले का खुलासा होते ही हड़कंप मच गया है। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और कार्रवाई शुरू कर दी। ड्रोन कैमरे की मदद से पूरे क्षेत्र का सर्वे किया गया, जिसमें खेत में लहलहाती अफीम की फसल देखकर अधिकारी भी हैरान रह गए। आरोप है कि जिस खेत में अफीम लगाई गई थी वह खेत बीजेपी नेता विनायक ताम्रकार का है। फसल को नष्ट कर रही है टीम एएसपी मणिशंकर चंद्रा के नेतृत्व में की गई इस रेड कार्रवाई में करीब 5 से 6 एकड़ जमीन में अवैध अफीम की खेती होने की जानकारी सामने आई है। पुलिस ने मौके से एक संदिग्ध को हिरासत में लिया है और खेत में लगी फसल को नष्ट करने की कार्रवाई जारी है।इस मामले में भाजपा नेता विनायक ताम्रकार सहित दो अन्य लोगों से पूछताछ की जा रही है। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि इस अवैध खेती में और कौन-कौन लोग शामिल हैं और क्या इसके पीछे कोई बड़ा नेटवर्क काम कर रहा था। वहीं इस पूरे मामले के सामने आने के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है। कि पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के भी मौके पर पहुंचे हैं। अफीम के खेत में पहुंच गए पूर्व सीएम दुर्ग जिले में अफीम की खेती का मामला सामने आने के बाद पूर्व सीएम भूपेश बघेल मौके पर पहुंचे। भूपेश बघेल ने बीजेपी सरकार पर हमला बोला है। भूपेश बघेल ने कहा कि यह खेत भाजपा नेता विनायक ताम्रकार का है। जो दुर्ग के ग्राम समोदा में स्थित है। उन्होंने कहा कि कमल के फूल वाली पार्टी के नेता अपने 10 एकड़ खेत में अब अफीम के पौधे और फूल उगा रहे हैं। दावा- बड़े नेताओं से संपर्क भूपेश बघेल ने दावा किया है कि भाजपा किसान मोर्चा के नेता विनायक ताम्रकार दुर्ग जिले के ग्राम समोदा में 10 एकड़ खेत में अफीम की खेती कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि विनायक ताम्रकार बहुत रसूख़दार आदमी बताया जा रहा है। उसका उठना बैठना बड़े अधिकारियों, मंत्रियों के साथ है। मुख्यमंत्री निवास में भी आने जाने की सूचना है। सवाल यह है कि यह प्रोजेक्ट भाजपा किसान मोर्चा का है या मंत्रियों का है? बीजेपी ने पार्टी से किया सस्पेंड भाजपा नेता के खेत में अफीम की अवैध खेती पकड़े जाने के बाद भाजपा नेता विनायक ताम्रकर को पार्टी से सस्पेंड कर दिया गया है। वहीं, इस मामले में विनायक ताम्रकार ने कहा कि जिस खेत में अफीम पकड़ी गई है वह मेरा खेत नहीं है। मुझे पुरानी रंजिश के कारण फंसाया गया है। बड़ी संख्या में पहुंचे ग्रामीण अफीम की खेती की जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में लोग खेत में पहुंचने लगे। पुलिस ने लोगों को रोकने की कोशिश की लेकिन भीड़ बेकाबू हो गई। इस दौरान पुलिस को बल प्रयोग करना पड़ा। शनिवार को कलेक्टर अभिजीत सिंह ने मामले का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि पुलिस ने इस मामले में भाजपा नेता विनायक ताम्रकार, उसके सहयोगी विकास बिश्नोई और फार्महाउस के मुंशी मनीष ठाकुर को गिरफ्तार किया है। दो आरोपी आंचला राम और श्रवण बिश्नोई फरार हैं। उनकी तलाश में पुलिस टीम राजस्थान भेजी गई है। अन्य लोगों की संलिप्तता की भी जांच चल रही है। शनिवार शाम आरोपियों की गिरफ्तारी से पहले न्यायिक मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में पुलिस के जवान खेत पहुंचे। वहां लगे अफीम के पौधों को उखाड़कर जब्त किया गया। जांच में करीब 5 एकड़ 62 डिसमिल क्षेत्र में अफीम की खेती मिली। अब जब्त पौधों को नष्ट करने की तैयारी की जा रही है। 2 महिलाओं के नाम पर खेत, दोनों से होगी पूछताछ कलेक्टर ने बताया कि जमीन का रिकॉर्ड मुधमति बाला और प्रीति बाला के नाम दर्ज है। मामले में दोनों महिलाओं की भूमिका की भी जांच होगी। पुलिस उनसे पूछताछ करेगी। संलिप्तता मिलने पर उन्हें भी आरोपी बनाया जा सकता है। राजस्थान के मजदूर कर रहे थे खेती का काम शुरुआती जांच में सामने आया है कि आरोपी पिछले कुछ सालों से अफीम की खेती कर रहा था। इसके लिए राजस्थान के जयपुर क्षेत्र से मजदूर बुलाए गए थे। विकास बिश्नोई और उसका भाई श्रवण बिश्नोई पहले यहां कपास की खेती करने आए थे। बाद में अफीम की खेती शुरू की गई। पूछताछ में विकास ने बताया कि वह पिछले चार साल से विनायक ताम्रकार के संरक्षण में यह काम कर रहा था।  

क्रिकेट का उत्सव मेरठ में: क्लब, होटल और सिनेमाघरों में लाइव फाइनल स्क्रीनिंग

मेरठ आज शाम सात बजे से भारत और न्यूजीलैंड के बीच फाइनल मैच खेला जाना है। पीवीएस स्थित इनोक्स और एनवाई सिनेमा में टिकटों की एडवांस बुकिंग चल रही है। क्रिकेट प्रेमियों में खासा उत्साह है। टी-20 वर्ल्ड कप फाइनल मुकाबला रविवार को भारत और न्यूजीलैंड के बीच अहमदाबाद में खेला जाएगा। फाइनल मुकाबला देखने के लिए सभी ने खास तैयारियां की हैं। शहर में भी कई क्लबों, होटलों और पार्कों में मैच के विशेष इंतजाम किए गए हैं। कई जगहों पर बड़ी स्क्रीन लगाकर मैच देखा जाएगा। अलेक्जेंडर क्लब में भी क्रिकेट प्रेमी बड़ी स्क्रीन पर मैच देखेंगे। क्लब के सभी सदस्य यहां एकत्र होंगे और मैच का लुत्फ उठाएंगे।   शाम सात बजे से भारत और न्यूजीलैंड के बीच मैच का प्रसारण होगा। छुट्टी का दिन होने के कारण हर कोई मैच देखने की योजना बना रहा है। क्रिकेट मैच को लेकर सभी ने कुछ न कुछ तैयारी की है। वहीं, शहर के क्लब और होटल भी इस मौके को भुनाने में लगे हैं। अलेक्जेंडर एथलेटिक क्लब के उपाध्यक्ष जेपी अग्रवाल ने बताया कि सेमीफाइनल में भी क्लब में बड़ी स्क्रीन लगाई गई थी। अब फाइनल मैच में और भी बड़ी स्क्रीन क्लब के प्रथम तल पर लगाई जाएगी। इस दौरान काफी संख्या में क्लब के सदस्य भी मौजूद रहेंगे। अमन अग्रवाल ने बताया कि क्लब के सभी सदस्यों को इस आयोजन में आमंत्रित किया गया है। सभी एक साथ मिलकर क्रिकेट मैच का लुत्फ उठाएंगे।   शहर में सम्राट हैवेंस, होटल हारमनी इन, मार्स, क्रिस्टल पैलेस, ब्रेवुरा समेत तमाम बड़े होटलों और बार में भी बड़ी स्क्रीन पर लोग मैच का लुत्फ उठा सकेंगे। कई होटलों में तो व्यंजन और पेय पदार्थों पर 20 से 25 प्रतिशत तक छूट भी दी गई है। होटल हारमनी इन के नवीन अरोड़ा ने बताया कि उनके यहां पर मैच देखने आने वाले लोगों के लिए टेरिस पर विशेष इंतजाम किया गया है। यहां सभी को 20 से 25 प्रतिशत तक छूट का ऑफर भी दिया जाएगा।   वर्ल्ड कप हमारा होगा – भारतीय टीम के सभी खिलाड़ी फार्म में हैं। संजू सैमसन भी पिछले दो मैच से शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं। भारतीय टीम मैच जीतेगी और वर्ल्ड कप हमारा होगा। – प्रवीण कुमार, पूर्व क्रिकेटर भारतीय टीम परिवार के साथ देखेंगे मैच – भारतीय टीम मैच जीतेगी और हम लगातार दूसरी बार वर्ल्डकप जीतेंगे। मैच को लेकर घर पर ही तैयारी की गई है। मामा व कोच तनकीब अख्तर समेत सभी परिजन एक साथ मैच देखेंगे। – समीर रिजवी, रणजी ट्रॉफी खिलाड़ी यूपी टीम   सिनेमाघरों में भी देख सकेंगे फाइनल मैच भारत और न्यूजीलैंड के बीच होने वाले टी-20 वर्ल्डकप फाइनल मैच को क्रिकेट प्रेमी शहर के कई सिनेमाघरों में भी देख सकेंगे। सिनेमाघरों में मैच का प्रसारण किया जाएगा। इसके लिए एडवांस बुकिंग भी शुरू हो चुकी है। पीवीवीएस स्थित इनोक्स सिनेमा में शाम सात बजे से मैच का लाइव प्रसारण किया जाएगा। इसके लिए दर्शकों के द्वारा एडवांस बुकिंग भी शुरू हो चुकी है। रविवार का दिन होने के कारण काफी संख्या में क्रिकेट प्रेमी परिवार सहित बुकिंग भी करा रहे हैं। पीवीएस मॉल के मैनेजर सचिन और इनोक्स के मैनेजर शशिकांत ने बताया कि शनिवार को भी काफी संख्या में लोगों ने बुकिंग कराई। रविवार को भी बुकिंग जारी रही। मैच का प्रसारण शाम सात बजे से होगा। शाम 6:30 बजे से लोगों को सिनेमाघर में प्रवेश दिया जाएगा। इसके अलावा एनवाई सिनेमा बुढ़ाना गेट में भी मैच के प्रसारण को लेकर ऑनलाइन बुकिंग की जा रही है।  

पंजाब बजट मोमेंट्स: ‘मावां-धीयां सत्कार’ पर हंगामा, अरोड़ा ने रोकी वित्त मंत्री चीमा की स्पीच

चंडीगढ़  पंजाब विधानसभा में वित्तमंत्री हरपाल चीमा ने 2,60,437 करोड़ रुपए का बजट पेश किया। इस दौरान कई रोचक मोमेंट भी देखने को मिले। स्पीकर कुलतार सिंह संधवा ने मुख्यमंत्री मावां-धीयां सत्कार स्कीम को लेकर कहा कि अब घरों में सास-बहू की लड़ाई कम होगी। इससे पहले स्पीकर ने बजट भषण के बीच में चीमा को कई बार टोका और कहा कि आप पानी पी लो। वहीं एक बार स्क्रीन पर हाथ लगने से 1 मिनट के लिए वित्तमंत्री की स्पीच रुक कई थी। वहीं मंत्री अमन अरोड़ा ने भी एक बार वित्तमंत्री की स्पीच रोकी और खुद बोलने लग गए। उन्होंने कहा कि चीमा साहब आज सब को खुश कर रहे हैं। चीमा ने इस बार बंद गले का सूट पहना हुआ है। इससे पहले वित्तमंत्री चीमा ने 2 बजट कुर्ता पजामा और हाफ जेकेट पहनकर पेश किए। उसके बाद 2 बजट बंद गला सूट पहनकर पेश किए। इतना जरूर है कि उन्होंने अपनी पगड़ी और सूट के कलर को हर साल बदला है। शेरो-शायरी वालों पर मजदूर का बेटा भारी- चीमा हरपाल चीमा ने सदन में कहा कि शेरो शायरी वालों ने खजाने का जो हाल किया था वो सबके सामने है और अब मजदूर के बेटे ने क्या किया यह भी आपके सामने आए। उन्होंने कहा कि फंड में 297 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी की है। स्पीकर बोले- सास-बहू की लड़ाई रोकने में बड़ा योगदान पंजाब में अब मुख्यमंत्री मावां-धीयां सत्कार स्कीम के तहत हर महीने महिलाओं को 1000 हजार रुपए मिलेंगे। इसपर कुलतार सिंह संधवा ने वित्त मंत्री को रोका और कहा कि वित्त मंत्री जी आपकी इस योजना से घरों में सास-बहू के झगड़े भी कम हो जाएंगे। सबके पास अपने पैसे होंगे तो वो नहीं लड़ेंगी। संधवा ने सीएम को कहा कि यह आईडिया अच्छा है। इससे पहले उन्होंने कहा कि पूरे पंजाब में औरतें इस ऐलान से खुश हैं। स्पीकर ने सीएम भगवंत मान धन्यवाद किया। संगरूर से विधायक अमन अरोड़ा ने वित्तमंत्री की स्पीच रोकी और खुद बोलने लग गए। अरोड़ा ने चीमा की स्पीच को रोका, बोले- सबको खुश कर रहे वित्त मंत्री चीमा ने विधानसभा में घोषणा पर घोषणा की। जिसपर खूब तालियां बटोरीं। इतने में स्पीकर कुलतार सिंह संधवा ने कहा कि आज चीमा साहब सबको खुश कर रहे हैं। जिसपर मंत्री अमन अरोड़ा उठकर आए और कुछ देर के लिए चीमा को रोककर खुद बोलने लगे। उन्होंने कहा कि चीमा साहब सबको टिकाकर खुश कर रहे हैं। स्पीकर ने वित्त मंत्री स्पीच रुकवाई, कहा- पीने पी लो बजट भाषण को वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा लगातार पढ़ रहे हैं। इसके बीच-बीच में स्पीकर कुलतार सिंह संधवा उन्हें पानी पीने की सलाह देते दिखे। बजट के दौरान जब मनीष सिसोदिया व गुरमीत सिंह मीत हेयर पहुंचे तो स्पीकर ने चीमा की स्पीच रुकवाई और कहा कि आप पानी पी लो। स्पीकर ने चीमा की स्पीच रुकवाई और कहा कि आप पानी पी लो। स्क्रीन टच होने से 1 मिनट वित्तमंत्री की स्पीच रुकी वित्त मंत्री हरपाल चीमा किसानों को लेकर की जा रही घोषणाओं को पढ़ रहे थे तो टैब पर उनका हाथ लग गया और बजट की स्क्रीन हट गई। इसकी वजह से उनको बजट की स्पीच रोकनी पड़ी। उन्होंने बाकायदा स्पीकर को कहा कि हाथ लग गया और स्क्रीन आगे निकल गई। जिस पर स्पीकर ने कहा पानी पी लो। उसके बाद अमन अरोड़ा ने कहा कि 44 नंबर मद चल रही है। करीब एक मिनट बाद स्पीच शुरू हुई। स्क्रीन टच होने से 1 मिनट तक वित्तमंत्री की स्पीच रुकी। स्क्रीन को महिला कर्मचारी सही करती हुईं। स्क्रीन टच होने से 1 मिनट तक वित्तमंत्री की स्पीच रुकी। स्क्रीन को महिला कर्मचारी सही करती हुईं। विधायक निधि डबल होने पर जमकर बजी तालियां वित्त मंत्री चीम ने जब सदन में हर विधानसभा क्षेत्र को मिलने वाली राशि में बढ़ोत्तरी करने की घोषणा की तो विधायकों ने जोर जोर से तालियां बजाईं। पहले विधायकों को यह राशि पांच करोड़ रुपए प्रति वर्ष थी, अब इसे 10 करोड़ रुपए कर दिया गया है। विधायक निधी डबल होने पर विधयकों ने बताई तालियां। विधायक निधी डबल होने पर विधयकों ने बताई तालियां। सीएम मान व वित्त मंत्री की पत्नी भी पहुंची बजट सुनने सदन में वित्त मंत्री अपना भाषण दे रहे थे, इतने में उन्होंने स्पीकर को कहा कि अगर आप भी कोई चीज खरीदते हैं तो भाभी जी को पूछते होंगे। इस पर स्पीकर संधवां ने उन्हें रोका और कहा कि इस सदन में वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा की पत्नी मनजीत कौर व सीएम भगवंत मान की पत्नी गुरप्रीत कौर भी इस बजट को सुनने के लिए पहुंची हैं। उन्होंने कहा कि कुछ टीचर्स व डॉक्टर्स भी सदन की कार्रवाई सुनने आए हैं। सभी का स्वागत करें। सदन में वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा की पत्नी मनजीत कौर व सीएम भगवंत मान की पत्नी गुरप्रीत कौर बजट सेशन देखने पहुंचीं। सदन में वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा की पत्नी मनजीत कौर व सीएम भगवंत मान की पत्नी गुरप्रीत कौर बजट सेशन देखने पहुंचीं। स्पीकर बोले- दोनों अरोड़ा सुंदर लग रहे विधानसभा में उस समय सभी ठहाके लगाने लग गए जब विधानसभा स्पीकर कुलतार सिंह संधवा ने कहा कि संजीव अरोड़ा जी और अमन अरोड़ा जी दोनों एक साथ तैयार होकर आते हो। दोनों सुंदर लग रहे हो। दोनों जरा खड़े हो जाओ। उसके बाद मंत्री संजीव अरोड़ा खड़े हुए और उन्होंने स्पीकर कुलतार सिंह संधवा को कहा कि आपका धन्यवाद आपने मुझे सुंदर कहा। संजीव अरोड़ा और अमन अरोड़ा को तैयार होकर आने का कमेंट करते हुए स्पीकर कुलतार सिंह संधवा। संजीव अरोड़ा और अमन अरोड़ा को तैयार होकर आने का कमेंट करते हुए स्पीकर कुलतार सिंह संधवा।

गोल्ड रिंग और नकद: विजय की नई योजना चुनावी मैदान में

तमिलनाडु विजय ने मामल्लापुरम में टीवीके के तत्वावधान में आयोजित अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस कार्यक्रम में कहा कि जब उनकी पार्टी टीवीके सत्ता में आएगी, तो सरकारी कर्मचारियों को छोड़कर 60 वर्ष की आयु तक की सभी महिलाओं को मासिक सहायता प्रदान की जाएगी। अभिनेता-नेता तमिलगा वेत्री कझगम (टीवीके) के संस्थापक विजय ने अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस की पूर्व संध्या पर शनिवार शाम को विधानसभा चुनावों से पहले महिलाओं, बच्चों और परिवारों के लिए कई वादों की घोषणा की जिनमें 60 वर्ष से अधिक उम्र की बुजुर्ग महिलाओं के लिए हर महीने 2,500 रुपये, साल में छह एलपीजी सिलेंडर मुफ्त, मैरिज सीर स्कीम के तहत आठ ग्राम सोना और एक सिल्क साड़ी, महिलाओं के लिए मुफ्त बस यात्रा, महिलाओं की सुरक्षा को मजबूत करना, शिक्षा सहायता, महिलाओं और बच्चों के खिलाफ अपराधों में तेज न्याय के लिए फास्ट-ट्रैक अदालतों का गठन करना शामिल हैं। व्यापक कल्याण दृष्टिकोण के हिस्से के रूप में विजय ने कहा कि राज्य में जन्मे हर बच्चे को सरकार की ओर से एक सोने की अंगूठी दी जाएगी, जो परिवारों और बच्चों की भलाई के प्रतीक के रूप में होगी। विजय ने मामल्लापुरम में टीवीके के अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस समारोह में दिए गए अपने भाषण में महिलाओं को सशक्त बनाने, परिवार कल्याण में सुधार तथा सामाजिक सुरक्षा को मजबूत करने के उद्देश्य से महिलाओं पर केंद्रित प्रमुख वादों की झड़ी लगा दी और वादा किया कि यदि उनकी पार्टी सत्ता में आई तो इन्हें लागू किया जाएगा। उनकी एक प्रमुख घोषणा यह थी कि 60 वर्ष से अधिक उम्र की महिला परिवार प्रमुखों को हर महीने 2,500 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। उन्होंने कहा कि टीवीके के सत्ता में आने के तुरंत बाद यह स्कीम लागू की जाएगी, जिससे घरों में केंद्रीय भूमिका निभाने वाली बुजुर्ग महिलाओं को आर्थिक सहायता और सम्मान मिलेगा। उन्होंने "अन्नापूर्णी सुपर 6" स्कीम की भी घोषणा की, जिसके तहत हर परिवार को साल में छह एलपीजी सिलेंडर मुफ्त दिए जाएंगे। इस स्कीम का उद्देश्य परिवारों पर आर्थिक बोझ कम करना और खाना पकाने तथा घरेलू जिम्मेदारियों को संभालने वाली महिलाओं को सहायता प्रदान करना है। शादी के दौरान महिलाओं को सहायता देने के लिए विजय ने "अन्नन सीर"(पारंपरिक उपहार या दहेज सामग्री जो नई दुल्हन को उसके माता-पिता देते हैं) स्कीम की घोषणा की। इस पहल के तहत सरकार हर योग्य महिला की शादी के लिए सोना और एक सिल्क साड़ी प्रदान करेगी। इस स्कीम का उद्देश्य शादियों के दौरान परिवारों पर आर्थिक दबाव कम करना है। विजय ने आगे महिलाओं, बच्चों और वरिष्ठ नागरिकों के कल्याण पर विशेष ध्यान देने वाला एक समर्पित सरकारी विभाग बनाने का वादा किया। यह विभाग कल्याण कार्यक्रमों को मजबूत करने, सुरक्षा उपाय लागू करने और इन समूहों से जुड़े मुद्दों को हल करने के लिए काम करेगा। शिक्षा के महत्व पर जोर देते हुए उन्होंने 'कामराज शिक्षा आश्वासन स्कीम' का वादा किया। इस पहल का उद्देश्य कक्षा 1 से 12 तक के छात्रों को बिना ड्रॉपआउट के शिक्षा पूरी करने की गारंटी देना है। उन्होंने कहा कि परिवारों को बच्चों की पढ़ाई जारी रखने के लिए प्रोत्साहित करने हेतु सरकार हर ऐसे छात्र के माता-पिता या अभिभावक को सालाना 15,000 रुपये देगी, जिसकी पढ़ाई बिना रुकावट पूरी हो। एक अन्य पहल "वेत्री पयानम" (विजय यात्रा) स्कीम के तहत उन्होंने प्रदेश भर में सभी सरकारी बसों में महिलाओं के लिए मुफ्त यात्रा का वादा किया। इस उपाय से महिलाओं की गतिशीलता में सुधार, रोजगार के अवसर बढ़ना और यात्रा व्यय कम होना अपेक्षित है। वर्तमान में द्रमुक सरकार की "विदियाल पयानम" योजना केवल लोकल बसों तक सीमित है, लेकिन इंट्रा-स्टेट या इंटर-स्टेट एक्सप्रेस बसों में नहीं। पूरे राज्य में महिलाओं की सुरक्षा मजबूत करने पर ध्यान देते हुए उन्होंने घोषणा की कि महिलाओं से संबंधित मामलों पर त्वरित कार्रवाई के लिए राज्य भर में 500 विशेष सुरक्षा टीमें गठित की जाएंगी। इसके अलावा, सार्वजनिक परिवहन वाहनों में स्मार्ट पैनिक बटन लगाए जाएंगे, जिससे महिला यात्रियों को आपात स्थिति में तुरंत मदद मिल सके। महिलाओं के खिलाफ अपराधों में तेज न्याय सुनिश्चित करने के लिए उन्होंने कहा कि सरकार "अंजलाई अम्मल फास्ट-ट्रैक अदालत" का गठन करेगी। ये अदालतें महिलाओं और बच्चों के खिलाफ अपराधों से जुड़े मामलों को संभालेंगे, ताकि तेज ट्रायल और समयबद्ध न्याय मिल सके। विजय ने मासिक धर्म स्वच्छता और पहुंच सुधारने के उद्देश्य से एक सार्वजनिक स्वास्थ्य पहल के तहत राशन दुकानों के माध्यम से महिलाओं को मुफ्त सेनेटरी नैपकिन वितरित करने का भी वादा किया। उन्होंने स्वयं सहायता समूह (एसएचजी) के माध्यम से महिलाओं को उद्यमिता, छोटे व्यवसाय और आर्थिक स्वतंत्रता के लिए 5 लाख रुपये तक ब्याज-मुक्त वित्तीय सहायता देने की घोषणा की। इन कल्याण घोषणाओं की लंबी सूची को टीवीके का एक बड़ा राजनीतिक बयान माना जा रहा है, क्योंकि पार्टी तमिलनाडु में अपनी पहली प्रमुख चुनावी लड़ाई की तैयारी कर रही है। महिलाओं, परिवारों और शिक्षा पर विशेष फोकस करके विजय ने स्पष्ट संदेश दिया है कि यदि पार्टी सत्ता में आई तो सामाजिक कल्याण और सशक्तिकरण उसके शासन एजेंडे के मुख्य विषय होंगे।  

पूर्व छत्तीसगढ़ DGP विश्वरंजन का निधन, पटना के अस्पताल में लंबी बीमारी के बाद आखिरी सांसें लीं

रायपुर  छत्तीसगढ़ पुलिस (Chhattisgarh Police) महकमे से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। राज्य के पूर्व पुलिस महानिदेशक (DGP) विश्वरंजन का निधन हो गया है। कार्डियक (दिल से जुड़ी) समस्या के चलते पिछले करीब एक महीने से पटना के मेदांता अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था जहां उन्होंने अंतिम सांस ली। एक दिन पहले ही क्रिटिकल कंडीशन को देखते हुए उन्हें डायलिसिस पर रखा गया था। उनके निधन से पूरे छत्तीसगढ़ के प्रशासनिक और पुलिस अमले में शोक की लहर दौड़ गई है। 1973 बैच के IPS, 4 साल तक संभाली CG पुलिस की कमान विश्वरंजन 1973 बैच के बेहद तेज-तर्रार आईपीएस अधिकारी थे। मध्य प्रदेश के विभाजन के बाद उन्हें छत्तीसगढ़ कैडर मिला था। जुलाई 2007 में उन्हें छत्तीसगढ़ का छठवां DGP बनाया गया था। जुलाई 2011 तक करीब 4 साल उन्होंने इस अहम जिम्मेदारी को संभाला। नक्सल प्रभावित (Naxal-hit) इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने में उनका बड़ा रोल रहा। इससे पहले वह लंबे समय तक इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) में प्रतिनियुक्ति (Deputation) पर रहे और एडिशनल डायरेक्टर जैसे अहम पदों पर भी सेवाएं दीं। पूर्व डीजीपी विश्वरंजन की तबीयत पिछले महीने अचानक बिगड़ गई थी। इसके बाद उन्हें पटना के मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया था। यहां विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम की निगरानी में उनका इलाज किया जा रहा था। बताया जा रहा है कि उन्हें गंभीर कार्डियक (हृदय) संबंधी समस्या हुई थी। इसी वजह से उन्हें अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा था। इलाज के दौरान उनकी हालत गंभीर बनी रही और उन्होंने अस्पताल में ही अंतिम सांस ली। छत्तीसगढ़ के छठवें डीजीपी रहे विश्वरंजन विश्वरंजन छत्तीसगढ़ के छठवें डीजीपी रहे हैं। 2007 में तत्कालीन डीजीपी ओपी राठौर के निधन के बाद राज्य सरकार ने उन्हें यह जिम्मेदारी सौंपी थी। वे लगभग चार वर्षों तक इस पद पर रहे और अपने कार्यकाल के दौरान पुलिस प्रशासन में कई अहम सुधार किए। उनके नेतृत्व में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने और नक्सल प्रभावित इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया गया। आईबी में भी रहे लंबे समय तक 1973 बैच के आईपीएस अधिकारी विश्वरंजन का प्रशासनिक अनुभव काफी व्यापक रहा है। मध्यप्रदेश के विभाजन के बाद उन्हें छत्तीसगढ़ कैडर मिला था, हालांकि 2007 से पहले वे कभी छत्तीसगढ़ में पदस्थ नहीं रहे थे। वे लंबे समय तक इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) में प्रतिनियुक्ति पर रहे और एडिशनल डायरेक्टर जैसे अहम पद भी संभाले।

हरियाणा सरकार सख्त: शिकायतें लंबित रखने पर रोक, PPP मामलों पर स्टेट स्तर से नजर

रेवाड़ी अधिकारी अब परिवार पहचान पत्र (पीपीपी) की शिकायतों को अधिक समय तक पेडिंग नहीं रख सकेंगे। सरकार ने पेंडेंसी खत्म करने के लिए कॉर्डिनेटर सतीश खोला को मॉनिटरिंग की जिम्मेदारी सौंपी हैं। जिसकी रिपोर्ट सीधे मुख्यमत्री को होगी। इसके लिए मुख्यमंत्री के चीफ सेक्रेटरी अरूण गुप्ता ने प्रदेश के सभी जिला उपायुक्तों को आदेश जारी किया है। जिसमें पेडिंग शिकायतों का निर्धारित समय सीमा में समाधान करने के लिए एडीसी और सभी संबंधित अधिकारियों-कर्मचारियों को निर्देश देने के लिए कहा गया है। सभी की जिम्मेदारी होगी फिक्स नई व्यवस्था में सरकार ने शिकायतकर्ता से चंडीगढ़ सचिवालय में बैठे सभी अधिकारियों की जिम्मेदारी फिक्स की है। अब अधिकारियों को न केवल पेंडिंग शिकायतों का समय पर समाधान करना होगा, बल्कि स्टेट कॉर्डिनेटर के साथ तालमेल भी बनाकर रखना होगा। जिसकी समय-समय पर कॉर्डिनेटर सतीश खोला द्वारा भेजी जानी वाली रिपोर्ट के आधार पर समीक्षा भी की जाएगी। अब यदि कोई शिकायतकर्ता आवश्यक दस्तावेज जमा नहीं करवाता है तो उससे भी जवाब तलबी की जाएगी। जन्म तिथि की पेंडिंग शिकायतें अधिक परिवार पहचान पत्र की शिकायतों के समाधान के लिए फिलहाल सात दिन का समय निर्धारित है। जवाबदेही तय नहीं होने के कारण समय पर शिकायतों का समाधान नहीं हो पाता था। सबसे अधिक पेडेंसी जन्म तिथि की शिकायतों में है। जिनमें मुख्यमंत्री का जिला कुरुक्षेत्र भी प्रदेश के टॉप पांच जिलो में शुमार है। इसके अलावा वाहनों, शिक्षा की शिकायतों में भी पेडिंग देखी जा सकती है। सूत्रों की माने तो प्रदेश में जन्मतिथि की 42 हजार, व्हीकल की 6 हजार, शिक्षा की तीन हजार, शादी की 900 और विभिन्न मटरियल की 7 हजार से अधिक शिकायतें पेडिंग हैं। हिसार, करनाल, फरीदाबाद, गुरुग्राम, पलवल, नूंह और भिवानी में शिकायतों की पेडिंग सबसे अधिक है। यह भी पेंडेंसी का बड़ा कारण अभी तक एक व्यक्ति अपनी शिकायत अलग अलग जगह दर्ज करवा देता था। मॉनटरिंग की नई व्यवस्था से मल्टीपल शिकायतों के कारण होने वाली पेडेंसी कम होगी। नई व्यवस्था में क्रिड विभाग, एडीसी कार्यालय (नोडल अधिकारी), तकनीकी विभाग का आपसी तालमेल मजबूत होगा। अब तक जिला स्तर व चंडीगढ़ में बैठे क्रिड अधिकारियों के बीच आपसी तालमेल के अभाव में शिकायतों का समय पर समाधान नहीं हो पाता था। नई व्यवस्था में हर स्तर पर मॉनटरिंग की व्यवस्था की गई है। सतीश खोला ने की पत्र की पुष्टि PPP के स्टेट कॉडिनेटर सतीश खोला ने कहा कि मुख्यमंत्री के चीफ सेक्रेटरी ने 5 मार्च को सभी जिला उपायुक्तों को आदेश जारी किया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री का प्रयास है कि परिवार पहचान पत्र को लेकर आने वाली शिकायतों का निर्धारित समय में समाधान हो। इसके लिए अब हर स्तर पर मॉनटरिंग सिस्टम को मजबूत बनाया गया है। मुख्यमंत्री ने नई व्यवस्था में अधिकारियों के साथ शिकायतकर्ता की भी जवाबदेही तय की है। उन्होंने कहा कि नई व्यवस्था से शिकायतों की पेंडेंसी में कमी आएगी।

महिला आयोग की चेतावनी के बाद बादशाह के ‘टटीरी’ गाने पर बढ़ा विवाद

हरियाणा हरियाणा की राज्य महिला आयोग की चेयरपर्सन रेणु भाटिया ने रैपर-सिंगर बादशाह और उनके नए गाने को लेकर हुए विवाद पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा है कि सिंगर का काम माफी के लायक नहीं है। आइए जानते हैं क्या है पूरा मामला। माफी के लायक नहीं काम आदित्य प्रतीक सिंह सिसोदिया उर्फ बादशाह हाल ही में गाना 'टटीरी' को लेकर विवादों में आ गए। लोगों ने इसके लिरिक्स पर आपत्ति जताई। इस पर बादशाह ने माफी मांगी है। इस बीच मीडिया से बात करते हुए भाटिया ने कहा 'बादशाह ने जो किया है वह माफ करने लायक नहीं है। हरियाणा की बेटियों का इस तरह अपमान करना और उनके खिलाफ ऐसी गंदी भाषा का इस्तेमाल करना बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। हमने उन्हें 13 मार्च को बुलाया है। उन्हें पेश होना चाहिए। अगर वह इससे बचते रहे, तो हम उन्हें काम नहीं करने देंगे।' बादशाह ने मांगी माफी शनिवार को बादशाह ने एक वीडियो में अपने काम को लेकर माफी मांगी थी। उन्होंने कहा था 'मैं खुद हरियाणा से हूं। जो लोग मुझे जानते हैं, वो जानते हैं कि मेरी बोली, मेरा खान-पान, मेरा रहना-सहना, मेरी पहचान हरियाणा से है। मैं एक हरियाणवी हूं। मेरा कभी ऐसा कोई इरादा नहीं था कि मैं हरियाणा के किसी बच्चे, किसी महिला के बारे में ऐसी बात कहूं। मुझे उम्मीद है कि आप मुझे हरियाणा का बेटा, अपना बेटा समझेंगे और मुझे माफ कर देंगे।' गिरफ्तार के लिए हो रही छापेमारी इस बीच, बादशाह के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गई है। उनके खिलाफ लुक आउट सर्कुलर जारी करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। एक नोटिस भी जारी किया गया है, जिसमें सिंगर-रैपर को पुलिस के सामने पेश होने के लिए कहा गया है। टीमें उन्हें गिरफ्तार करने के लिए लगातार छापेमारी कर रही हैं। पुलिस ने एक ट्वीट में इसकी पुष्टि की। गाने पर आपत्ति इससे पहले बादशाह के गाने के कुछ बोल और वीडियो में दिखाई गई कुछ तस्वीरों को लेकर आपत्ति जताई गई थी। शिकायत करने वाले लोगों का कहना है कि गाने में इस्तेमाल की गई शब्दावली आपत्तिजनक है। उनका मानना है कि इससे महिलाओं की गरिमा को ठेस पहुंचती है। उन्होंने महिला आयोग से इस मामले में कार्रवाई की मांग की।

होली की गेर में शामिल हुए सीएम डॉ. मोहन यादव, उत्साह से खेली रंग-गुलाल

उज्जैन मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉक्टर मोहन यादव 8 मार्च को महाकाल मंदिर में निकलने वाली परंपरागत गेर में शामिल हुए। उन्होंने ध्वजा के पूजन के साथ-साथ अखाड़े के शस्त्रों की भी पूजा की। इतना ही नहीं इस मौके पर सीएम डॉ. यादव ने शस्त्र चलाने का प्रदर्शन किया। इससे पहले उन्होंने प्रदेश की जनता को रंग पंचमी की बधाई दी। उन्होंने ईश्वर से जनता के जीवन में उत्साह और उल्लास की कामना की। प्रदेश के मुखिया डॉ. यादव ने जनता के बीच पहुंचकर जमकर रंग पंचमी मनाई। जनता ने उन्हें और उन्होंने जनता को रंगों से सराबोर किया। इस आनंद से भरीं उनकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं। इस मौके पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रंग पंचमी के पावन पर्व की प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि रंगों का यह त्यौहार आप सभी के जीवन में उत्साह व उल्लास की वृद्धि करे, मेरी ओर से बहुत-बहुत मंगलकामनाएं। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा, ‘ॐ तत्पुरुषाय विद्महे महादेवाय धीमहि तन्नो रुद्रः प्रचोदयात्। आज रंग पंचमी के पावन अवसर पर श्री महाकालेश्वर मंदिर से निकलने वाली परंपरागत गेर में ध्वजा एवं अखाड़ों के शस्त्रों का विधि-विधान से पूजन किया। इससे पूर्व बाबा महाकाल के दर्शन-पूजन कर समस्त प्रदेशवासियों के सुख, समृद्धि और कल्याण की कामना की।’ प्रदेश की संस्कृति-परंपरा पर विशेष ध्यान गौरतलब है कि, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पद संभालने के बाद से ही प्रदेश की संस्कृति और परंपरा का विशेष ध्यान रखा है। उन्होंने प्रदेश के कई त्यौहारों को राज्य उत्सव का दर्जा दिया है। सीएम डॉ. यादव का मानना है कि हर त्यौहार हमारे बीच की दूरियों को कम करते हैं। इसलिए हम जितने उत्साह से त्यौहार मनाएंगे, उतना एक-दूसरे को जान सकेंगे। उनका मानना है कि यह समरसता का पर्व है, जिसे सभी को प्रेम और भाईचारे के साथ मनाना चाहिए। सीएम हाउस में मनाई थी ब्रज की होली आपको बता दें, 5 मार्च को मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सीएम हाउस में भी उत्साह के साथ होली मनाई थी। जहां भव्य कार्यक्रम आयोजित किया गया था। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में आम लोग और संत भी शामिल हुए थे। कार्यक्रम में फाग गीतों और पारंपरिक भजन गाए गए थे। सीएम हाउस ब्रज की थीम पर होली उत्सव की सजावट की गई थी। यहां बरसाने की होली जैसा माहौल देखने को मिला।