samacharsecretary.com

योगी सरकार शिक्षा ढांचे को मजबूत करने में लगी, बच्चों को मिलेगा बेहतर शैक्षिक वातावरण

शिक्षा ढांचे को मजबूत करने में जुटी योगी सरकार, बच्चों को बेहतर-सुविधायुक्त शैक्षिक वातावरण उपलब्ध कराने पर जोर  अपर मुख्य सचिव बेसिक एवं माध्यमिक शिक्षा (एसीएस) पार्थ सारथी सेन शर्मा ने दिया निर्देश  बच्चों को स्कूल में अच्छा और सुविधायुक्त माहौल देने के लिए योगी सरकार ने उठाया कदम  मजबूत होंगी ऑपरेशन कायाकल्प और प्रोजेक्ट अलंकार से स्कूलों में सुविधाएं  प्रदेश के सभी जिलाधिकारियों को स्कूलों में पाई जाने वाली कमियों को चिह्नित कर जल्द से जल्द दूर कराने के निर्देश लखनऊ  विद्यालयों में नामांकन बढ़ाने के साथ-साथ बच्चों को बेहतर और सुविधायुक्त शैक्षिक वातावरण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से योगी सरकार ने प्रदेश भर में स्कूलों के कायाकल्प को गति देते हुए बुनियादी सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण पर विशेष जोर दिया है। इसी क्रम में अपर मुख्य सचिव, बेसिक एवं माध्यमिक शिक्षा, पार्थ सारथी सेन शर्मा ने सभी जिलाधिकारियों को निर्देश जारी करते हुए कहा है कि विद्यालयों में मौजूद अवसंरचनात्मक कमियों की पहचान कर उन्हें प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र दूर किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी विद्यालय में आवश्यक सुविधाओं का अभाव अब स्वीकार्य नहीं होगा और सभी संस्थानों को निर्धारित मानकों के अनुरूप विकसित किया जाएगा।  योगी सरकार शिक्षा के क्षेत्र में आधारभूत ढांचे को मजबूत कर गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में लगातार ठोस कदम उठा रही है, जिससे प्रदेश के हर बच्चे को बेहतर और सुसज्जित विद्यालयी वातावरण मिल सके। कमियों को दूर करने के लिए चलेगा विशेष अभियान ‘ऑपरेशन कायाकल्प’ के अंतर्गत अब तक हुए कार्यों की समीक्षा करते हुए शेष कमियों को दूर करने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। इसके तहत गैप एनालिसिस के माध्यम से हर विद्यालय की जरूरतों का आकलन कर उन्हें पूरा किया जाएगा। जहां संसाधनों की कमी होगी, वहां कॉर्पोरेट सामाजिक दायित्व (CSR) और संबंधित विभागों के सहयोग से आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएंगी, ताकि कोई भी स्कूल बुनियादी सुविधाओं से वंचित न रहे। ‘प्रोजेक्ट अलंकार’: अधोसंरचना को और मजबूत बनाने के निर्देश माध्यमिक विद्यालयों में ‘प्रोजेक्ट अलंकार’ के अंतर्गत अधोसंरचना को और मजबूत बनाने के निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों को स्पष्ट रूप से कहा गया है कि जिन स्कूलों में किसी प्रकार की कमी पाई जाती है, उसे प्राथमिकता के आधार पर दूर किया जाए। यदि अतिरिक्त संसाधनों की आवश्यकता हो, तो समेकित प्रस्ताव तैयार कर विभाग को भेजा जाए, जिससे समयबद्ध समाधान सुनिश्चित हो सके। विद्यालयों को ‘विद्यांजलि पोर्टल’ से जोड़ने की प्रक्रिया तेज करने के निर्देश इसके साथ ही सभी विद्यालयों को ‘विद्यांजलि पोर्टल’ से जोड़ने की प्रक्रिया तेज करने के निर्देश भी दिए गए हैं। इस पोर्टल के माध्यम से स्कूल अपनी आवश्यकताओं को दर्ज करेंगे और एनजीओ, सीएसआर व अन्य सहयोगियों के माध्यम से उन जरूरतों को पूरा किया जाएगा। जिला स्तर पर इसकी सतत निगरानी की जाएगी, जिससे कार्यों में पारदर्शिता और जवाबदेही बनी रहे।

इंदिरापुरम हाईराइज में आग से हड़कंप: गौर ग्रीन एवेन्यू में 8 फ्लैट प्रभावित, दमकल की 20 गाड़ियां मौके पर

गाजियाबाद उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद से बड़ी खबर सामने आई है. यहां इंदिरापुरम के अभय खंड स्थित गौर ग्रीन एवेन्यू सोसाइटी में अचानक भीषण आग लग गई. आग इतनी तेज थी कि कुछ ही मिनटों में ऊंची-ऊंची लपटें और काले धुएं का गुबार दूर-दूर तक दिखाई देने लगा. इस घटना की सूचना मिलते ही सोसाइटी में हड़कंप मच गया. लोग अपने-अपने फ्लैटों से बाहर निकलकर सुरक्षित स्थानों की ओर भागने लगे. अब फायर ब्रिगेड ने आग पर काबू पा लिया है. सीएम योगी आदित्यनाथ ने इस घटना का तत्काल संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को राहत और बचाव कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं. सीएम योगी ने कहा कि लापरवाही किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं की जाएगी. उन्होंने गाजियाबाद के पुलिस कमिश्नर और जिलाधिकारी को तुरंत मौके पर पहुंचने और स्थिति की लगातार निगरानी करने का निर्देश दिया. कई घंटों की मशक्कत के बाद आग अब कंट्रोल में है, हालांकि कूलिंग का काम अभी भी जारी है. फायर विभाग के अधिकारियों के अनुसार, शुरुआती जांच में पता चला है कि आग 9वीं मंजिल से शुरू हुई थी. हालांकि, आग लगने के सटीक कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है. इस पूरे मामले की विस्तृत जांच की जा रही है. फायर ऑफिसर राहुल ने बताया कि सोसाइटी का फायर सेफ्टी सिस्टम पूरी तरह काम कर रहा था, जिससे राहत एवं बचाव कार्य में काफी मदद मिली. आग लगने के बाद तुरंत अलार्म बजा और लोगों को समय रहते बाहर निकाल लिया गया. राहत की बात यह है कि अब तक किसी के अंदर फंसे होने की पुष्टि नहीं हुई है. एक बुजुर्ग व्यक्ति को एहतियातन एंबुलेंस से अस्पताल ले जाया गया था. अधिकारियों के मुताबिक, वह पहले से ही अस्वस्थ थे. इस अग्निकांड में कुल आठ फ्लैट प्रभावित हुए हैं. आग इतनी भीषण थी कि 9वीं मंजिल से उठी लपटें 13वीं मंजिल तक पहुंच गई थीं. काले धुएं का गुबार दूर-दूर तक दिखाई दे रहा था. मौके पर फायर ब्रिगेड की करीब 20 गाड़ियां तैनात की गईं. हालांकि, पार्क की दीवार के कारण दमकल की गाड़ियों से पानी का दबाव ऊपरी मंजिलों तक पहुंचाने में शुरुआती दिक्कतों का सामना करना पड़ा. सुबह 8:30 बजे मिली थी आग लगने की सूचना सुबह करीब 8:30 बजे आग लगने की सूचना मिली थी, जिसके बाद दमकल, पुलिस और प्रशासन की टीमें तुरंत मौके पर पहुंच गईं. फिलहाल, आग पूरी तरह बुझने के बाद सभी फ्लैटों की विस्तृत जांच की जाएगी. इसके बाद ही नुकसान का सही आकलन और आग लगने के कारणों का खुलासा हो सकेगा. मौके पर मौजूद चश्मदीदों ने कहा कि आग करीब साढ़े आठ बजे दिखाई दी थी. आग से अब तक आठ फ्लैट प्रभावित हुए हैं. हालांकि, उत्तर प्रदेश पुलिस के अनुसार अभी तक किसी के अंदर फंसे होने की सूचना नहीं मिली है. फिलहाल आग लगने के कारणों का पता नहीं चल सका है. प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, आग की लपटें इतनी ऊंची थीं कि दूर से ही दिखाई दे रही थीं. कई लोगों ने घटना के वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर शेयर किए, जो वायरल हो रहे हैं.

कम लागत में ज्यादा कमाई : प्राकृतिक खेती से बदल रही यूपी के किसानों की तकदीर

प्राकृतिक खेती से बेहतर आय अर्जित कर रहे 2.60 लाख किसान कम लागत में ज्यादा कमाई : प्राकृतिक खेती से बदल रही यूपी के किसानों की तकदीर प्राकृतिक खेती योजनाओं के अंतर्गत 75 जिलों में 2356 क्लस्टर में 1.14 लाख हेक्टेयर क्षेत्रफल आच्छादित गो आधारित प्राकृतिक खेती योजना के तहत बुंदेलखंड क्षेत्र के 7 जनपदों में 470 प्राकृतिक क्लस्टर संचालित बुंदेलखंड में 23 हजार हेक्टेयर से ज्यादा क्षेत्र आच्छादित, 22 हजार किसानों को मिला लाभ लखनऊ  उत्तर प्रदेश में खेती अब सिर्फ गुजारे का जरिया नहीं, बल्कि कम लागत में ज्यादा मुनाफा देने वाला व्यवसाय बनती जा रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में ‘प्राकृतिक खेती मिशन’ के जरिए खेती-किसानी की तस्वीर बदल रही है। रासायनिक खाद और महंगे कीटनाशकों के जाल से निकलकर अब किसान देसी संसाधनों के सहारे खेती कर रहे हैं और यही बदलाव उन्हें आत्मनिर्भर बना रहा है। प्रदेश में इस समय 75 जिलों में 2356 क्लस्टर के जरिए 1.14 लाख हेक्टेयर से ज्यादा क्षेत्र प्राकृतिक खेती के दायरे में आ चुका है। इसका सीधा फायदा 2.60 लाख किसानों को मिल रहा है। खास बात यह है कि यह खेती सिर्फ उत्पादन का तरीका नहीं बदल रही, बल्कि किसानों के खर्च को कम करके उनकी आमदनी बढ़ाने का रास्ता भी खोल रही है। बुंदेलखंड बना अभियान का मजबूत चेहरा इस अभियान का मजबूत चेहरा बुंदेलखंड बनकर उभरा है। झांसी, ललितपुर, जालौन, हमीरपुर, महोबा, बांदा और चित्रकूट जैसे जिलों में ‘गो-आधारित प्राकृतिक खेती’ ने नई उम्मीद जगाई है। बुंदेलखंड क्षेत्र के करीब 23 हजार हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र में फैली इस पहल ने पहले के समय सूखा और संसाधनों की कमी से जूझ रहे इलाके को एक नए मॉडल में बदल दिया है। इसका लाभ 22 हजार किसानों को मिला। गो आधारित जीवामृत और घनजीवामृत के इस्तेमाल से खेती की लागत तेजी से घटी है, वहीं फसल की गुणवत्ता बेहतर हुई है। किसानों को कम खर्च में मिल रहा बेहतर उत्पादन गो सेवा आयोग के अध्यक्ष श्याम बिहारी गुप्ता का कहना है कि बुंदेलखंड में शुरू हुआ यह मॉडल अब पूरे प्रदेश के लिए उदाहरण बन रहा है। किसानों को कम खर्च में बेहतर उत्पादन मिल रहा है और बाजार में प्राकृतिक उत्पादों की मांग उन्हें अतिरिक्त लाभ दे रही है। किसानों की जेब पर बोझ घटाकर उनकी आमदनी बढ़ाना और लोगों को रसायनमुक्त भोजन उपलब्ध कराना योगी सरकार की प्राथमिकता है।  सुरक्षित और स्वास्थ्यकर खाद्यान्न खेतों में केमिकल की जगह गो-आधारित फसलों से किसान आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ रहे हैं। गो सेवा आयोग के अध्यक्ष श्याम बिहारी गुप्ता का कहना है कि योगी सरकार का यह प्रयोग न सिर्फ किसानों की आर्थिक स्थिति मजबूत कर रहा है, बल्कि प्रदेश को सुरक्षित और स्वास्थ्यकर खाद्यान्न की दिशा में भी आगे बढ़ा रहा है।

सुल्तानगंज हत्याकांड में बड़ा एक्शन: मुख्य आरोपी रामधनी यादव का एनकाउंटर

पटना बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा है कि भागलपुर के सुल्तानगंज में अपराधियों की गोलियों के शिकार हुए कार्यपालक पदाधिकारी कृष्ण भूषण कुमार का राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार होगा। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने ट्वीट किया है कि अत्यंत ही दुखद घटना में सुल्तानगंज नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी कृष्ण भूषण कुमार का असामयिक निधन हो गया। उन्होंने अदम्य साहस और कर्तव्यनिष्ठा का परिचय देते हुए अपने प्राणों का सर्वोच्च बलिदान दिया। शोक संतप्त परिजनों के प्रति इस अपूरणीय क्षति पर गहरी संवेदनाएँ प्रकट करते हैं। उनके परिवार को 25 लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान करने तथा दिवंगत अधिकारी के दाह-संस्कार को राजकीय सम्मान के साथ सम्पन्न कराने का निर्णय लिया गया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने एक्स पर लिखा, ‘अत्यंत ही दुःखद घटना में सुल्तानगंज नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी श्री कृष्ण भूषण कुमार जी का असामयिक निधन हो गया। उन्होंने अदम्य साहस और कर्तव्यनिष्ठा का परिचय देते हुए अपने प्राणों का सर्वोच्च बलिदान दिया। शोक संतप्त परिजनों के प्रति इस अपूरणीय क्षति पर गहरी संवेदनाएँ प्रकट करते हैं। उनके परिवार को 25 लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान करने तथा दिवंगत अधिकारी के दाह-संस्कार को राजकीय सम्मान के साथ सम्पन्न कराने का निर्णय लिया गया है। ईश्वर दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करें और परिजनों को इस कठिन समय में धैर्य एवं संबल दें। ओम शांति!’ 12 घंटे के अंदर एनकाउंटर हुआ- संतोष सुमन हम सेकुलर के राष्ट्रीय अध्यक्ष संतोष सुमन ने कहा कि भागलपुर में सरकारी अधिकारी की हत्या निंदनीय है, लेकिन उससे भी बड़ा सच यह है कि अब बिहार में अपराधियों की उलटी गिनती शुरू हो चुकी है। महज 12 घंटे के अंदर आरोपी की पहचान, पीछा और एनकाउंटर यह बताता है कि अब सरकार जीरो टॉलरेंस पर सिर्फ बोलती नहीं, कार्रवाई करके दिखाती है। उन्होंने कहा कि अपराधियों ने पुलिस पर गोली चलाई, जवाब में उन्हें उसी भाषा में जवाब मिला। जो लोग कभी अपराधियों को संरक्षण देकर जंगलराज खड़ा करते थे, आज वही कानून व्यवस्था पर सवाल उठा रहे हैं। कलेजे पर फटाफट गोली- जदयू प्रवक्ता नीरज कुमार जदयू प्रवक्ता नीरज कुमार ने कार्यपालक अधिकारी की हत्या पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि रामधनी यादव को अपराध का सनक चढ़ गया था। सुल्तानगंज के नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी का परिवार और उनके बच्चे रो रहे हैं। लोकतंत्र में जनता की अदालत से चुने गए सभापति पर गोलियों की बौछार करना। कानून का राज है। अभी तक तो पैर पर गोली लग रही थी। पुलिस पर हमला करने की कोशिश की तो कलेजे पर फटाफट गोली…फटाफट गोली। अपराध करोगे तो ना सिर्फ कड़ा अंजाम होगा बल्कि मुकम्मल ऐसी कार्रवाई होगी कि बिहार नजीर के तौर पर दिखेगा। ईओ के घर चीख-पुकार इधर बुधवार को करीब 10 बजे जैसे ही कार्यपालक पदाधिकारी का पार्थिव शरीर उनके पैतृक घर पहुंचा तो वहां कोहराम मच गया। नगर आयुक्त उमेश भारती, सदर एसडीओ चंदन कुमार झा, सदर एसडीपीओ अमित कुमार, ट्रैफिक डीएसपी सुजीत कुमार, पुलिस लाइन डीएसपी जितेन्द्र प्रसाद, नगर थानाध्यक्ष इंस्पेक्टर मनोज कुमार, ट्रैफिक थानाध्यक्ष इंस्पेक्टर नीलमणि रंजन, नगर पंचायत जयनगर के कार्यपालक पदाधिकारी सुनील कुमार, बेनीपट्टी नगर पंचायत के कार्यपालक पदाधिकारी गौतम आनंद एवं अन्य पुलिस व प्रशासनिक अफसर वहां मौजूद थे। मृतक की पत्नी, भाई सूर्यभूषण कुमार, अजय कुमार एवं घर के अन्य सदस्यों का रो रोकर बुरा हाल था। हत्याकांड का मुख्य आरोपी रामधनी यादव मारा गया सुल्तानगंज नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी कृष्ण भूषण कुमार हत्याकांड के मुख्य अभियुक्त और नगर परिषद की उपसभापति नीलम देवी के पति रामधनी यादव का पुलिस ने एनकाउंटर कर दिया है। अभियुक्त के साथ मुठभेड़ में पुलिस के तीन पदाधिकारी भी जख्मी हुए हैं जिनमें डीएसपी लॉ एंड ऑर्डर नवनीत कुमार, सुल्तानगंज इंस्पेक्टर मृत्युंजय कुमार और तकनीकी शाखा प्रभारी परमेश्वर सब शामिल हैं।

पंजाब CM की प्रेस कांफ्रेंस आज: बीजेपी और विरोधी दलों को निशाना बनाएंगे

चंडीगढ़  आम आदमी पार्टी (AAP) के 10 में से 7 राज्यसभा सांसदों के बीजेपी में शामिल होने पर बने हालातों के बीच पंजाब CM भगवंत मान आज (29 अप्रैल) चंडीगढ़ में एक प्रेस कांफ्रेंस करेंगे। इस कांफ्रेंस में वह केंद्र सरकार व बीजेपी पर हमलावर रहेंंगे। उन्होंने एक प्रेस कांफ्रेंस बुलाई थी। इसमें पत्रकारों से बातचीत में कहा था कि वह जिस सवालों को लेकर आज आए थे उनके जवाब वह कल होने वाली प्रेस कांफ्रेंस में देंगे। इसके बाद सीएम ने शाम को कैबिनेट मीटिंग के बाद पोस्ट डालकर जानकारी दी थी कि एक तारीख को मई दिवस मौके वह स्पेशल सेशन बुला रहे हैं, जो श्रमिकों को समर्पित रहेगा। इस दौरान मुलाजिम नेताओं को सेशन के लिए आमंत्रित किया जाएगा। मान सबसे बड़े गद्दार हैं जब से आम आदमी पार्टी के सांसद बीजेपी में शामिल हुए है, तब से राज्य में राजनीति गरमाई हुई है। आप समर्थकों ने उन सांसदों के घरों का घेराव किया है। उनके घरों के बाहर गद्दार तक लिखा है। सीएम भी उन्हें गद्दार कह चुके हैं। वहीं, मंगलवार को चंडीगढ़ में हुई प्रेस कांफ्रेंस में बीजेपी के कार्यकारी प्रधान अश्वनी शर्मा ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि यदि दल बदलना गद्दारी है, तो मुख्यमंत्री भगवंत मान सबसे बड़े 'गद्दार' हैं, क्योंकि उन्होंने भी पहले अपनी पुरानी पार्टी (पीपुल्स पार्टी ऑफ पंजाब) छोड़ी थी। शर्मा ने आरोप लगाया कि राघव चड्ढा और अन्य नेताओं द्वारा आप सरकार पर लगाए गए भ्रष्टाचार के आरोपों पर मुख्यमंत्री भगवंत मान ने चुप्पी साध रखी है। उन्होंने मान को एक "कठपुतली" बताया जो असली मुद्दों से ध्यान भटकाने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार अपनी नाकामियों को छिपाने के लिए विधानसभा सत्र का दुरुपयोग कर रही है और केंद्र के खिलाफ झूठ और भ्रम फैलाकर लोगों के बीच द्वेष पैदा कर रही है। आप विधायक जाने वाले हैं पंजाब कांग्रेस के नेता प्रताप सिंह बाजवा एक प्रेस कांफ्रेंस में कुछ दिन पहले दावा कर चुके हैं कि आम आदमी पार्टी के 60 से 65 विधायक पार्टी बदलने वाले हैं। उन्होंने दावा किया है कि पंजाब में "महाराष्ट्र जैसा" राजनीतिक फेरबदल होने वाला है। महाराष्ट्र का जहाज मोहाली आकर लग गया है। इस जहाज में चढ़ने वाले व्यक्ति सीएम भगवंत मान होंगे। उन्होंने सीएम को पंजाब का एकनाथ शिंदे" कहा था।

Punjab Assembly Special Session: मजदूर दिवस पर BJP के खिलाफ निंदा प्रस्ताव की तैयारी तेज

चंडीगढ़. एक मई को मजदूर दिवस के मौके पर पंजाब सरकार ने विधानसभा का विशेष सत्र बुलाने का फैसला किया है। कैबिनेट की बैठक में यह निर्णय लिया गया, जिसमें मई दिवस के शहीदों को श्रद्धांजलि देने के लिए सदन में प्रस्ताव लाने पर भी मुहर लगी। हालांकि, सियासी हलकों में इस सत्र को लेकर महज औपचारिकता से कहीं ज्यादा राजनीतिक तापमान बढ़ने के संकेत मिल रहे हैं। सूत्रों के मुताबिक, इस विशेष सत्र में विभिन्न मजदूर संगठनों के प्रतिनिधियों को भी आमंत्रित किया जा सकता है। मजदूरों से जुड़े मुद्दे पर चर्चा होने की संभावना मनरेगा और उससे जुड़े ढांचागत बदलावों के चलते मजदूर वर्ग पर पड़ रहे प्रभावों पर विस्तार से चर्चा होने की संभावना है। इसके अलावा राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों के बीच श्रमिकों के सामने खड़ी चुनौतियों को भी एजेंडे में शामिल किया गया है। सत्र का सबसे अहम और चर्चित पहलू राजनीतिक रहने वाला है। हाल ही में आम आदमी पार्टी के सात राज्यसभा सदस्यों के भाजपा में जाने के घटनाक्रम ने राज्य की राजनीति को गरमा दिया है। ऐसे में माना जा रहा है कि विधानसभा के भीतर भाजपा के खिलाफ जोरदार बहस हो सकती है और निंदा प्रस्ताव भी लाया जा सकता है। यह पहला मौका नहीं है जब ऐसे मुद्दे पर विशेष सत्र बुलाया जा रहा हो। इससे पहले सितंबर 2022 में भी ‘ऑपरेशन लोटस’ को लेकर पंजाब सरकार ने विशेष सत्र बुलाने की कोशिश की थी। 27 सितंबर को विश्वास प्रस्ताव पास किया उस समय राज्यपाल और सरकार के बीच टकराव भी सामने आया था। बाद में 27 सितंबर को सत्र आयोजित कर सरकार ने अपना विश्वास प्रस्ताव पास किया था।उस दौरान आम आदमी पार्टी ने आरोप लगाया था कि उनकी सरकार गिराने के लिए भाजपा विधायकों को लालच दे रही है। इस मामले में मोहाली में केस भी दर्ज कराया गया था। अब एक बार फिर राज्यसभा सदस्यों के घटनाक्रम के बाद आम आदमी पार्टी ने भाजपा के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।ऐसे में माना जा रहा है कि मजदूर दिवस के बहाने बुलाए गए इस विशेष सत्र में राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज रहेगा और सत्ता पक्ष भाजपा को घेरने की पूरी कोशिश करेगा।

महिला आयोग करेगा ग्राउंड रियलिटी चेक, जनसुनवाई में मामलों के निपटारे की जांच

बिलासपुर. महिलाओं की समस्याओं के त्वरित निराकरण, न्याय तक सुगम पहुँच सुनिश्चित करने तथा महिला सशक्तिकरण को गति देने के उद्देश्य से राष्ट्रीय महिला आयोग द्वारा राष्ट्रीय महिला आयोग के द्वारा महिला जनसुनवाई का आयोजन किया जा रहा है. जनसुनवाई की अध्यक्षता राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष विजया रहाटकर कर रही हैं. शी सर्वज विषय पर कार्यक्रम स्वर्गीय लखीराम ऑडिटोरियम कंपनी गार्डन के पास हो रहा है. इसमें महिलाओं से जुड़े मामलों की निगरानी, शिकायतों के त्वरित निराकरण तथा महिला सुरक्षा एवं सशक्तिकरण योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर चर्चा हो रही है. इसके पश्चात कलेक्टोरेट स्थित मंथन मीटिंग हॉल में समीक्षा बैठक आयोजित होगी, जिसमें कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के साथ महिला सुरक्षा, शिकायतों के निराकरण, कानून-व्यवस्था एवं महिला कल्याण योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की जाएगी. इसके बाद दोपहर 1 बजे से जल संसाधन विभाग परिसर स्थित प्रार्थना सभा कक्ष में महिला जनसुनवाई आयोजित होगी. दोपहर 3 बजे यशोदा एआई विषय पर कार्यक्रम आयोजित होगा.

एमपी टूरिज्म को मिला ‘लीडिंग टूरिज्म डेस्टीनेशन’ का प्रतिष्ठित सम्मान

एमपी टूरिज्म को मिला लीडिंग टूरिज्म डेस्टीनेशन का प्रतिष्ठित सम्मान जयपुर में फिक्की ट्रैवल एंड टूरिज्म एक्सीलेंस अवॉर्ड्स में मिला गौरव अतिरिक्त प्रबंध संचालक डॉ. बेडेकर ने प्राप्त किया सम्मान जीआईटीबी 2026 में आकर्षण का केंद्र बना मध्यप्रदेश पेवेलियन भोपाल  वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर अपनी सशक्त पहचान को और अधिक मजबूत बनाते हुए, एमपी टूरिज्म को जयपुर में आयोजित ग्रेट इंडियन ट्रैवल बाजार (जीआईटीबी) 2026 में प्रतिष्ठित “लीडिंग टूरिज्म डेस्टीनेशन” पुरस्कार से सम्मानित किया गया। यह सम्मान फिक्की द्वारा, भारत सरकार के पर्यटन मंत्रालय और राजस्थान पर्यटन के सहयोग से आयोजित ट्रैवल एंड टूरिज्म एक्सीलेंस अवॉर्ड्स (द्वितीय संस्करण) में दिया गया। यह पुरस्कार अतिरिक्त प्रबंध संचालक डॉ. अभय अरविंद बेडेकर ने ग्रहण किया। यह सम्मान मध्यप्रदेश की बढ़ती वैश्विक पहचान का प्रमाण सचिव पर्यटन एवं प्रबंध संचालक एमपी टूरिज्म बोर्ड, डॉ. इलैयाराजा टी ने कहा कि जीआईटीबी 2026 में मिला यह सम्मान मध्यप्रदेश की बढ़ती वैश्विक पहचान को दर्शाता है। हमारा प्रयास हमेशा से ऐसे पर्यटन को बढ़ावा देना रहा है, जिसमें हमारी समृद्ध विरासत, प्राकृतिक सौंदर्य और जीवंत परंपराओं का अनुभव, सब एक साथ मिल सके। हम अंतर्राष्ट्रीय साझेदारों के साथ मिलकर मध्यप्रदेश को विश्व के प्रमुख पर्यटन स्थलों में शामिल करने के लिए लगातार कार्य कर रहे हैं। जीआईटीबी 2026 में आकर्षण का केंद्र बना मध्यप्रदेश पवेलियन जयपुर में 26 से 28 अप्रैल तक आयोजित जीआईटीबी 2026 में देश-विदेश के प्रमुख टूर ऑपरेटर, ट्रैवल ट्रेड से जुड़े हितधारक और विशेषज्ञ शामिल हुए। आयोजन के दूसरे दिन भी एमपी टूरिज्म बोर्ड अपने विशेष पेवेलियन के माध्यम से विरासत, आध्यात्मिकता, वन्य-जीव और सांस्कृतिक अनुभवों की विविधता को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत कर रहा है। पेवेलियन में पारंपरिक ‘बधाई’ नृत्य की जीवंत प्रस्तुतियां दर्शकों को राज्य की समृद्ध अमूर्त सांस्कृतिक विरासत से परिचित करा रही हैं। साथ ही ‘सेव’, ‘गजक’ और ‘आम पना’ जैसे स्थानीय व्यंजनों के माध्यम से आगंतुकों को मध्यप्रदेश के स्वाद का अनुभव भी कराया जा रहा है। मध्यप्रदेश अपने पर्यटन परिदृश्य को क्यूरेटेड अनुभवों और थीमैटिक सर्किट्स के माध्यम से प्रस्तुत कर रहा है। पेवेलियन में यूनेस्को विश्व धरोहर स्थलों, प्रसिद्ध वन्यजीव अभयारण्यों और आध्यात्मिक स्थलों के साथ-साथ ग्रामीण पर्यटन, वेलनेस और ईको-टूरिज्म जैसे उभरते क्षेत्रों पर विशेष फोकस किया गया है।  व्यापारिक सहभागिता के माध्यम से वैश्विक साझेदारियों का विस्तार मध्यप्रदेश का प्रतिनिधिमंडल अंतर्राष्ट्रीय टूर ऑपरेटरों और ट्रैवल प्रोफेशनल्स के साथ पूर्व निर्धारित B2B बैठकों में भाग ले रहा है, जिसका उद्देश्य दीर्घकालिक सहयोग को बढ़ावा देना और इनबाउंड पर्यटन के अवसरों का विस्तार करना है। ये संवाद ज्ञान आदान-प्रदान, यात्रा योजनाओं के विकास और वैश्विक पर्यटन उत्पादों में मध्यप्रदेश के समावेशन को सुदृढ़ कर रहे हैं। मध्यप्रदेश निरंतर एक अनुभव-आधारित पर्यटन गंतव्य के रूप में अपनी पहचान को सशक्त कर रहा है। जीआईटीबी जैसे अंतरराष्ट्रीय मंचों पर मिली यह उपलब्धि उत्कृष्टता, सतत विकास और सांस्कृतिक प्रामाणिकता के प्रति राज्य की प्रतिबद्धता को दर्शाती है, जो इसे वैश्विक यात्रियों के लिए “अतुल्य भारत का हृदय” बनाती है।  

High Court Summer Vacation 2026: 18 मई से 12 जून तक न्यायालयों में छुट्टियां घोषित

बिलासपुर. समर वेकेशन को लेकर हाईकोर्ट ने अधिसूचना जारी कर दी है. हाईकोर्ट द्वारा जारी नोटिफिकेशन के अनुसार 18 मई 2026 (सोमवार) से 12 जून 2026 (शुक्रवार) तक ग्रीष्म अवकाश रहेगा. 15 जून 2026 (सोमवार) से हाईकोर्ट फिर नियमित रूप से खुलेगा. अवकाश के दौरान भी जरूरी मामलों की सुनवाई जारी रहेगी. इसके लिए वेकेशन जजों की नियुक्ति की गई है, जो सुबह 10:30 बजे से कोर्ट की कार्रवाई  करेंगे और जरूरत पड़ने पर समय बढ़ाया भी जा सकेगा. अधिसूचना में स्पष्ट किया गया है कि समर वेकेशन (Bilaspur High Court) के दौरान सिविल, क्रिमिनल और रिट से जुड़े मामलों की फाइलिंग जारी रहेगी, जबकि जरूरी मामलों के लिए अलग से आवेदन देना होगा. जमानत मामलों में अलग से अर्जेंट हियरिंग आवेदन की जरूरत नहीं होगी और उन्हें स्वतः सूचीबद्ध किया जाएगा. अन्य लंबित मामलों की सुनवाई के लिए अर्जेंट आवेदन अनिवार्य रहेगा. इस दौरान रजिस्ट्री कार्यालय सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक खुला रहेगा, लेकिन शनिवार, रविवार और शासकीय अवकाश में बंद रहेगा. कोर्ट ने यह भी तय किया है कि वेकेशन जज 19, 21, 26 और 28 मई और 2, 4, 9 और 11 जून 2026 को सुनवाई करेंगे. वहीं जो मामले तय समय पर नहीं पहुंच पाएंगे, उन्हें अगली तारीख पर अलग सूची में शामिल किया जाएगा. आदेश मुख्य न्यायाधीश के निर्देश पर रजिस्ट्रार (न्यायिक) सुमित कपूर द्वारा जारी किया गया है.

मुख्यमंत्री योगी ने किया ऐलान, पुलिस में एक लाख नई भर्ती इस वर्ष

पुलिस में एक लाख नई भर्ती इसी वर्ष: मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश पुलिस दूरसंचार विभाग में चयनित 936 प्रधान परिचालकों/प्रधान परिचालकों (यांत्रिक) को प्रदान किए गए नियुक्ति पत्र  मुख्यमंत्री ने मंच पर दिए 10 नवचयनितों को नियुक्ति पत्र, कहा- ईमानदारी से नियुक्ति हुई है तो साफ नीयत से काम कीजिए भारत की इकॉनमी ग्रोथ में भी अप्रत्यक्ष रूप से योगदान दे रही यूपी पुलिसः सीएम योगी लखनऊ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को युवाओं को बड़ी खुशखबरी दी। उन्होंने युवाओं का हौसला बढ़ाते हुए कहा कि योग्य, क्षमतावान, स्वत: स्फूर्त भाव के साथ नौजवान यूपी पुलिस बल का हिस्सा बनना चाहता है और इसके लिए भर्ती व प्रोन्नति बोर्ड युवाओं को अच्छा अवसर उपलब्ध कराएगा। उप्र पुलिस भर्ती व प्रोन्नति बोर्ड इस वर्ष लगभग एक लाख नई भर्ती करने जा रहा है। पिछले तीन दिन में यूपी होमगार्ड में भी 41 हजार भर्ती के लिए परीक्षा हुई। सिविल पुलिस, एसआई, होमगार्ड आदि की भर्ती प्रक्रिया तेजी से बढ़ी है।  मुख्यमंत्री ने उत्तर प्रदेश पुलिस दूरसंचार विभाग में चयनित 936 प्रधान परिचालक/प्रधान परिचालक (यांत्रिक) को इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में नियुक्ति पत्र वितरित किए। कार्यक्रम में पुलिस दूरसंचार विभाग पर आधारित लघु फिल्म भी दिखाई गई।  ईमानदारी से नियुक्ति हुई है तो साफ नीयत से काम कीजिए सीएम ने सफल अभ्यर्थियों से कहा कि सभी चाहते थे कि ईमानदारी से भर्ती हो। डबल इंजन सरकार ने ऐसा माहौल बनाया है कि भर्ती निष्पक्ष व ईमानदारी से हुई। अब आपका भी दायित्व है कि साफ नीयत, ईमानदारी, पारदर्शिता के साथ यूपी पुलिस के माध्यम से सेवा देकर राष्ट्र के प्रति उत्तरदायित्वों का निर्वहन करें। हर भारतीय नागरिक जब अपने क्षेत्र में ईमानदारी से कर्तव्यों का निर्वहन करेगा, तब पीएम मोदी के विकसित भारत की परिकल्पना साकार होगी। किसी व्यक्ति, जाति, मत-मजहब का अहंकार या व्यक्तिगत इच्छा, राष्ट्र से बढ़कर नहीं हो सकती।  9 वर्ष पहले होता था लेनदेन और नियुक्ति में भेदभाव  सीएम योगी ने कहा कि जिस निष्पक्षता से पुलिस भर्ती प्रक्रिया संपन्न हुई, वह 9 वर्ष पहले संभव नहीं थी। पहले प्रक्रिया ही सकुशल संपन्न नहीं होती थी। लेनदेन, नियुक्ति में भेदभाव होता था, परंतु अब पूरी प्रक्रिया में किसी को भी सिफारिश व पैसा नहीं देना पड़ता है। सिर्फ योग्यता, क्षमता व आरक्षण के नियमों का पालन करते हुए निष्पक्ष भर्ती प्रक्रिया संपन्न होती है। प्रदेश में ऐसा वातावरण तैयार किया गया है कि यदि क्षमता है तो आगे बढ़ने से कोई नहीं रोक सकता। अब आपको भी शुद्ध नीयत के साथ कार्य करना है। कभी बीमारू राज्य रहा उत्तर प्रदेश सामूहिक प्रयास की बदौलत अब भारत के विकास में योगदान दे रहा है। 9 वर्ष में 2.20 लाख से अधिक कार्मिकों की यूपी पुलिस में भर्ती सीएम योगी ने कहा कि परसों (रविवार) ही प्रदेश के 112 केंद्रों पर पुलिस के 60 हजार आरक्षियों की दीक्षांत परेड हुई, यानी एक साथ 60 हजार आरक्षी उत्तर प्रदेश पुलिस बल का हिस्सा बने, जो अब फील्ड में मुस्तैदी से ड्यूटी करेंगे। 9 वर्ष में उत्तर प्रदेश पुलिस में 2.20 लाख से अधिक कार्मिकों की भर्ती संपन्न हुई है, जबकि देश के कई राज्यों में पुलिस की कुल इतनी स्ट्रेंथ भी नहीं है। सीएम ने नवचयनितों से कहा कि आपको देश की सबसे बड़ी सिविल पुलिस का हिस्सा बनने और दूरसंचार शाखा के जरिए 25 करोड़ की आबादी की सेवा का अवसर प्राप्त हुआ है।  साफ नीयत, स्पष्ट नीति और कार्य करने की दृढ़ इच्छाशक्ति जरूरी सीएम योगी ने कहा कि 9 वर्ष पहले संकट था कि कहां ट्रेनिंग होगी, लेकिन अब इस दृष्टि से जगह की कमी नहीं रही। 2017 के पहले एक बार में केवल 3 हजार पुलिस कार्मिकों की ही ट्रेनिंग करा सकते थे, लेकिन 2025 में एक साथ 60,244 पुलिस आरक्षियों की ट्रेनिंग यूपी के सेंटरों में हुई। इसके जरिए यूपी पुलिस ने दिखाया कि नीयत साफ, नीति स्पष्ट और कार्य करने की दृढ़ इच्छाशक्ति हो तो परिणाम लाया जा सकता है। पासिंग आउट परेड के बाद आरक्षी जनपदों में ड्यूटी के लिए निकल रहे हैं। अब इन ट्रेनिंग सेंटर्स पर आप लोगों का प्रशिक्षण शुरू होगा। खेलों में यूपी पुलिस प्राप्त करती है अधिक मेडल सीएम योगी ने कहा कि यूपी पहला राज्य है, जिसने 500 से अधिक कुशल खिलाड़ियों को यूपी पुलिस बल का हिस्सा बनाया है। उसी का परिणाम है कि जब भी राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्पोर्ट्स मीट होती है तो यूपी पुलिस अधिक मेडल प्राप्त करती है। देश-दुनिया में उसके मेडल की संख्या अन्य राज्यों की तुलना में ज्यादा होती है। इसके जरिए फोर्स अपनी क्षमता को भी प्रदर्शित करती है।  यूपी पुलिस की अवस्थापना सुविधाओं में वृद्धि सीएम योगी ने कहा कि पुलिस की अवस्थापना सुविधाओं में वृद्धि की गई है। 2017 में 10 जनपदों में पुलिस लाइन ही नहीं थी। कई थानों के खुद के भवन नहीं थे। पुलिस की सामान्य सुविधाओं, बैरक आदि का अभाव था। आज 55 जनपदों में हाईराइज बिल्डिंग में पुलिस के जवानों के बैरक व आवासीय सुविधाएं हैं। मॉडल थाने, नए फायर स्टेशन स्थापित हो रहे हैं। एसएसएफ, एसडीआरएफ, तीन नई महिला पीएसी बटालियनें गठित हुई हैं। तीन नए कानून जुलाई 2024 में लागू हुए हैं, लेकिन यूपी ने पहले ही तैयारी कर ली थी। यूपी का स्टेट फॉरेंसिक इंस्टीट्यूट सफलतापूर्वक कार्य कर रहा है। ए ग्रेड की 12 एफएसएल यूनिट कार्य कर रही है। छह निर्माणाधीन हैं। हर जनपद में दो-दो मोबाइल फॉरेंसिक लैब कार्य कर रही हैं। सैंपल कलेक्ट करने के लिए निपुण टेक्नीशियन तैनात किए गए हैं।  भारत की इकॉनमी ग्रोथ में भी योगदान दे रही यूपी पुलिस सीएम योगी ने कहा कि पुलिस अब केवल कानून व्यवस्था को दुरुस्त रखने के साथ ही प्रदेश को सिर्फ माफिया-दंगा मुक्त प्रदेश ही नहीं बना रही है, बल्कि भारत की इकॉनमी ग्रोथ में भी अप्रत्यक्ष रूप में योगदान दे रही है। कानून का राज विकास की पहली गारंटी है। कानून का राज स्थापित होने से देश-दुनिया का निवेशक यूपी में आ रहा है। अब हम प्रदेश के किसी भी क्षेत्र में आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर स्थापित कर लेते हैं।  सीएम ने फिट रहने का दिया मंत्र सीएम योगी ने दूरसंचार पुलिस बल में नवचयनित 936 अभ्यर्थियों से कहा कि अब संचार यूनिट को और सशक्त बनाने में मदद … Read more