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मप्र से देश भर में यह संदेश जाएगा कि भाषा जोड़ने का काम करती है : उच्च शिक्षा मंत्री परमार

भारतीय प्रतिभाएं, भारत के विकास में योगदान दें : केंद्रीय कृषि मंत्री चौहान मप्र से देश भर में यह संदेश जाएगा कि भाषा जोड़ने का काम करती है : उच्च शिक्षा मंत्री परमार विश्व एक परिवार है, वसुधैव कुटुंबकम् भारत की संस्कृति है : परमार भारतीय विज्ञान शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान (IISER) का द्वादश दीक्षांत समारोह भोपाल  केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण एवं ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान और उच्च शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार ने भोपाल स्थित भारतीय विज्ञान शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान (IISER) में सोमवार को आयोजित 'द्वादश (12वें) दीक्षांत समारोह' में उपाधि प्राप्त करने वाले मेधावी विद्यार्थियों को उज्जवल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। केंद्रीय कृषि मंत्री चौहान ने भारत की उज्ज्वलतम प्रतिभाओं को देश में ही बनाए रखने के महत्व पर जोर दिया। चौहान ने उपाधि प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों से भावनात्मक आह्वान करते हुए कहा कि वे विदेशों में अवसर तलाशने के बजाय, भारत के विकास और नवाचार प्रणाली में सक्रिय योगदान दें। चौहान ने इस बात को रेखांकित किया कि सिलिकॉन वैली जैसे वैश्विक तकनीकी केंद्रों में बड़ी संख्या में भारतीय प्रतिभाएं काम कर रही हैं। चौहान ने स्नातकों को प्रेरित किया कि वे अपनी योग्यता और कौशल का उपयोग भारत के हित में करें। उन्होंने 'ब्रेन ड्रेन' की प्रवृत्ति को उलटने की आवश्यकता पर बल दिया, ताकि युवा देश में ही सफल करियर और उद्यम खड़े करें, जिससे विज्ञान, प्रौद्योगिकी और उद्यमिता के क्षेत्र में भारत की नींव मजबूत हो। चौहान ने विद्यार्थियों को जीवन का लक्ष्य निर्धारित कर, समाज और देश के लिए कार्य करने के लिए प्रेरित किया। चौहान ने स्थानीय उत्पादों और व्यवसायों के समर्थन की आवश्यकता पर भी बल दिया। चौहान ने कहा कि जब हम स्वदेशी वस्तुओं को अपनाते और बढ़ावा देते हैं, तब न केवल देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलती है, बल्कि करोड़ों लोगों के लिए रोजगार के अवसर भी उत्पन्न होते हैं। यह प्रक्रिया ग्रामीण और शहरी दोनों समुदायों को सशक्त बनाती है और समावेशी विकास को बढ़ावा देती है। चौहान ने भारत की तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था का उल्लेख किया और विश्वास जताया कि आने वाले समय में भारत विश्व की तीसरी सबसे बड़ी आर्थिक महाशक्ति बनेगा। उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा एवं आयुष मंत्री इन्दर सिंह परमार ने सभी मेधावी शोधार्थियों एवं विद्यार्थियों को शुभकामनाएं एवं बधाई दी। परमार ने कहा कि विश्व एक बाजार नहीं, अपितु एक परिवार है। "वसुधैव कुटुंबकम्" का यही मूल भाव, भारत की संस्कृति है। यह भारतीय दृष्टिकोण विश्वमंच पर जितना प्रभावशाली एवं व्यापक होगा, वैश्विक परिधियों में लोक कल्याण का मार्ग उतना ही प्रशस्त होगा। परमार ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के परिप्रेक्ष्य में, प्रदेश के सभी विश्वविद्यालयों में भारतीय भाषाओं को पढ़ाया जाएगा। प्रत्येक विश्वविद्यालय में एक भारतीय भाषा सिखाने की कार्य योजना तैयार की जा रही है और इसका विद्यार्थियों को उनके मूल्यांकन में वेटेज देने की भी कार्ययोजना है। प्रदेश के शैक्षणिक संस्थानों में भारतीय भाषाओं को पढ़ाने से देश भर में यह संदेश जाएगा कि भाषा जोड़ने का काम करती हैं। उच्च शिक्षा मंत्री परमार ने कहा कि कृतज्ञता का भाव, भारत की सभ्यता एवं विरासत है। किसी के कार्यों के प्रति धन्यवाद ज्ञापित करना, कृतज्ञता भाव रूपी भारतीय दर्शन का उत्कृष्ट उदाहरण है। परमार ने कहा कि पेड़ों, जलस्रोतों सूर्य आदि प्राकृतिक ऊर्जा स्रोतों के पूजन एवं उपासना की पद्धति भारतीय समाज में परंपरागत रूप से विद्यमान है। यह परंपरा प्रकृति सहित समस्त ऊर्जा स्रोतों के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए, उनके प्रति कृतज्ञता प्रकट करने का भाव है। हम सभी कृतज्ञतावादी है, न कि रूढ़िवादी। समाज में विद्यमान परम्पराओं के वैज्ञानिक दृष्टिकोण को वैश्विक मंच पर युगानुकुल परिप्रेक्ष्य में पुनः शोध एवं अनुसंधान के साथ समृद्ध करने की आवश्यकता है। हमारे पूर्वज सूर्य उपासक थे, प्राकृतिक ऊर्जा स्रोतों की उपयोगिता और महत्व को जानते थे। परमार ने कहा कि स्वतंत्रता के शताब्दी वर्ष 2047 तक भारत सौर ऊर्जा के माध्यम से ऊर्जा के क्षेत्र में आत्म निर्भर होकर अन्य देशों की भी पूर्ति करने में समर्थ होगा। साथ ही वर्ष 2047 तक खाद्यान्न के क्षेत्र में भी आत्म निर्भर होकर अन्य देशों का भरण-पोषण करने में भी सामर्थ्यवान बनेगा। हम सभी की सहभागिता से अपने पूर्वजों के ज्ञान के आधार पर पुनः विश्वमंच पर सिरमौर राष्ट्र का पुनर्निर्माण होगा। इसके लिए हमें स्वाभिमान के साथ हर क्षेत्र में अपने परिश्रम और तप से आगे बढ़कर, विश्वमंच पर अपनी मातृभूमि का परचम लहराना होगा। अपनी गौरवशाली सभ्यता, भाषा, इतिहास और ज्ञान के आधार पर हम सभी की सहभागिता से भारत पुनः "विश्वगुरु" बनेगा। समारोह में संस्थान के विभिन्न संकायों बीएस में 51, बीएस-एमएस में 227, एम.एससी./एम.एस. में 56 एवं पीएच.डी. पाठ्यक्रम में 89, इस प्रकार कुल 423 विद्यार्थियों को उपाधियां प्रदान की गईं। विशिष्ट शैक्षणिक प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों में संस्थान द्वारा दिए जाने वाला राष्ट्रपति स्वर्ण पदक एवं निदेशक स्वर्ण पदक कौशिक मेधी (बीएस-एमएस) को दिया गया। समारोह में 16 छात्र- छात्राओं को प्रवीणता पदक और 6 विद्यार्थियों को सर्वश्रेष्ठ थीसिस पुरस्कार प्रदान किया गया। समारोह में संस्थान की इनोवेशन मैगजीन का विमोचन भी हुआ। समारोह में संस्थान के शासक मंडल के अध्यक्ष प्रो. अरविंद ए नातू एवं संस्थान के निदेशक प्रो. गोवर्धन दास सहित संस्थान के विभिन्न विभागों के एचओडी, प्राध्यापकगण, विद्यार्थी एवं उनके अभिभावक उपस्थित थे।  

लिंकिंग नहीं की तो बढ़ेगी दिक्कत: DL/RC को आधार–फोन से जोड़ने के आसान कदम

नई दिल्ली क्या इन दिनों आपको भी केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय की ओर से कोई एसएमएस प्राप्त हुआ है, जिसमें ड्राइविंग लाइसेंस को आधार से लिंक करने के लिए कहा गया हो? दरअसल केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय की ओर से इस तरह की अपील लोगों से की जा रही है कि वह अपने ड्राइविंग लाइसेंस को आधार से लिंक करें। ऐसा करने के लिए parivahan.gov.in की मदद लेने के लिए कहा गया है। लोगों से ऐसा करने को इसलिए कहा जा रहा है ताकि वह परिवहन से जुड़ी सर्विस का लाभ बिना रुकावट के लेते रहें। चलिए डिटेल में समझते हैं कि आखिर इस मैसेज के क्या मायने हैं और आप किस तरह से घर बैठे अपने ड्राइविंग लाइसेंस को आधार से लिंक कर सकते हैं? क्या कहा गया है मैसेज में? दरअसल जिन भी लोगों के पास गाड़ी या ड्राइविंग लाइसेंस हैं उन्हें केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय की ओर से एक मैसेज भेजा जा रहा है कि वह अपने रजिस्टर्ड वाहन के लिए आधार ऑथेंटिकेशन प्रोसेस के जरिए मोबाइल नंबर को लिंक करें। इस एडवाइजरी के मुताबिक रजिस्टर्ड वाहनों को मोबाइल नंबर से लिंक करना और आधार नंबप से ऑथेंटिकेट करना जरूरी होगा। मैसेज में इस काम के लिए parivahan.gov.in की मदद लेने के लिए कहा गया है। बता दें कि इस सरकारी पोर्टल पर वाहन और सारथी नाम से दो QR कोड दिए गए हैं, जिनके जरिए यह काम किया जा सकता है। बता दें कि अब परिवहन या ड्राइविंग लाइसेंस से जुड़ी किसी भी सर्विस का इस्तेमाल करने के लिए आधार ऑथेंटिकेशन करवाना जरूरी कर दिया गया है। वाहन के लिए मोबाइल नंबर ऐसे करें अपडेट अपना मोबाइल नंबर अपडेट करने के लिए आपको parivahan.gov.in पर जाना होगा। इसके बाद:     ​Update Mobile Number via Aadhaar के ऑप्शन पर क्लिक करें।     इसके बाद आप से वाहन या ड्राइविंग लाइसेंस की डिटेल्स मांगी जाएंगी। इसमें रजिस्ट्रेशन नंबर, जन्म की तारीख और चेसिस नंबर जैसी जानकारी शामिल होगी।     इसके बाद आप अपने आधार नंबर के जरिए OTP वेरिफिकेशन करवा कर अपना फोन नंबर अपडेट कर सकते हैं।     इस तरह आपके वाहन के साथ आपका आधार और फोन नंबर अपडेट हो जाएगा। ड्राइविंग लाइसेंस के लिए मोबाइल नंबर ऐसे करें अपडेट     इसके लिए भी आपको सरकारी पोर्टल parivahan.gov.in पर जाना होगा और सारथी QR कोड स्कैन करना होगा।     इसके बाद आपसे ड्राइविंग लाइसेंस से जुड़ी डिटेल्स मांगी जाएंगी। इस जानकारी को ध्यान से और सही-सही उपलब्ध कराना जरूरी है। इसमें आप से डेट ऑफ बर्थ, आपके राज्य का नाम और कैप्चा कोड भरने को कहा जाएगा।     सारी डिटेल भरने के बाद नीचे दिखाई दे रहे सबमिट बटन पर क्लिक करके आप अपने डीएल के लिए मोबाइल नंबर को अपडेट कर पाएंगे।     इस तरह आपके डीएल के साथ आपका फोन नंबर और आधार अपडेट हो जाएगा। क्या है मकसद? सरकार की ओर से यह कदम उन लोगों को पकड़ने के लिए उठाया जा रहा है जो चालान या जुर्माने से बचने के लिए अपना पता और नंबर बदलते रहते हैं। अगर आपने अभी तक इस प्रोसेस को पूरा नहीं किया है, तो इसे जल्द से जल्द पूरा कर लें। बता दें कि अगर आपका नंबर अपडेट नहीं होगा, तो जरूरी नोटिस या जानकारी आप तक नहीं पहुंच पाएगी। इससे चालान, रजिस्ट्रेशन रिन्यूअल या अन्य सेवाओं में देरी हो सकती है।

मॉनसून का कहर जारी: अगले 7 दिन कई राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट जारी

नई दिल्ली देश के कई हिस्सों में मॉनसून की बारिश लगातार जारी है। दिल्ली-NCR से लेकर केरल तक और उत्तराखंड से हिमाचल प्रदेश तक भारी बारिश हो रही है। कुछ राज्यों में हालात इतने बिगड़ गए हैं कि बाढ़ जैसी स्थिति बन गई है। राजस्थान के कई जिलों में भारी बारिश से बाढ़ की स्थिति बन गई है। एहतियातन सरकार ने 13 जिलों में आज स्कूल बंद रखने का आदेश दिया है। जम्मू-कश्मीर में खराब मौसम को देखते हुए स्कूलों की छुट्टी घोषित की गई है। वहीं, उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिले में भारी बारिश के अलर्ट के चलते प्रशासन ने स्कूल बंद रखने का फैसला लिया है। मौसम विभाग का कहना है कि उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में अगले 7 दिन तक भारी बारिश की संभावना है। साथ ही 26 अगस्त तक जम्मू-कश्मीर और हरियाणा में भी तेज बारिश की चेतावनी दी गई है। दिल्ली-NCR का मौसम दिल्ली-NCR में सुबह से ही कई इलाकों में बारिश हो रही है, जिससे उमस से राहत मिली है। मौसम विभाग ने आज हल्की से मध्यम बारिश और गरज-चमक के साथ बारिश का अनुमान जताया है। तापमान सामान्य से 2 से 4 डिग्री कम रह सकता है। यूपी का मौसम पिछले दो दिनों से यूपी में लगातार बारिश हो रही है और मौसम सुहाना बना हुआ है। आज भी प्रदेश में भारी बारिश का अलर्ट जारी है। हालांकि, अगले कुछ दिनों में बारिश रुकने के बाद दोबारा उमस भरी गर्मी बढ़ सकती है। मौसम विभाग ने बताया है कि 29 और 30 अगस्त को राज्य में फिर से तेज बारिश हो सकती है। बिहार का मौसम बिहार में भी मॉनसून सक्रिय है। मौसम विभाग ने आज करीब 20 जिलों में बारिश की संभावना जताई है। पटना, गया, औरंगाबाद, भोजपुर, बक्सर, कैमूर, रोहतास, जहानाबाद, अरवल, नालंदा, शेखपुरा, लखीसराय, बेगूसराय, जमुई, मुंगेर, बांका, भागलपुर और खगड़िया सहित कई जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। हालांकि, इसके बाद राज्य में मॉनसून की रफ्तार थोड़ी धीमी पड़ सकती है। उत्तराखंड और हिमाचल में तबाही उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में बारिश से स्थिति गंभीर बनी हुई है। पहाड़ों से मलबा और पत्थर गिरने के कारण कई रास्ते बंद हो गए, जिन्हें प्रशासन ने खोला। मौसम विभाग ने बागेश्वर, रुद्रप्रयाग, टेहरी और उत्तरकाशी जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश और भूस्खलन की चेतावनी दी है।

स्वास्थ्य सुविधाओं के विकास और विस्तार में मध्यप्रदेश का अभूतपूर्व प्रदर्शन: केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री नड्डा

मध्यप्रदेश हैल्थ केयर फैसिलिटी और इनोवेशन में निभा रहा है अग्रणी भूमिका : केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री नड्डा स्वास्थ्य सुविधाओं के विकास और विस्तार में मध्यप्रदेश का अभूतपूर्व प्रदर्शन देश बदल रहा है, टोटल हैल्थ केयर में हम लिख रहे हैं एक नई कहानी बीमारी का इलाज और बीमार की मदद की व्यवस्था कर रही है राज्य सरकार : मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रदेश में 2003 में 5 मेडिकल कॉलेज थे, आज हैं 32 केंद्रीय मंत्री नड्डा और मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने श्योपुर और सिंगरौली में नए मेडिकल कॉलेज का किया वर्चुअली लोकार्पण बैतूल, कटनी, धार और पन्ना में निजी भागीदारी से पीपीपी मॉडल से बनेंगे नए मेडिकल कॉलेज पात्र हितग्राहियों को मिली 8 लाख वय वंदना कार्ड की सौगात स्मार्ट चैटबॉट (आयुष्मान सखी) का हुआ शुभारंभ आशा कार्यकर्ताओं से सीधे संवाद की पहल का हुआ शुभारंभ जबलपुर से प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं की बेहतरी से जुड़े कई नवाचारों का हुआ शुभारंभ जबलपुर केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा रसायन एवं उर्वरक मंत्री जगत प्रसाद नड्डा ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की दूरगामी सोच से हमारा देश बदल रहा है। हम विकास के हर क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रहे हैं और स्वास्थ्य सेवाओं और सुविधाओं के विस्तार में भारत ने पूरे विश्व में अपनी अलग पहचान बनाई है। दिल्ली से स्वास्थ्य सुधार के लिए तैयार की गई योजनाओं और स्वास्थ्य कार्यक्रमों को मध्यप्रदेश में अभूतपूर्व तरीके से अमली जामा पहनाया जा रहा है। मध्यप्रदेश का प्रदर्शन देश के दूसरे राज्यों के लिए एक उदाहरण बन रहा है। स्वास्थ्य सेवाओं के सुधार, विस्तार और नवाचार में मध्यप्रदेश नेतृत्व कर रहा है। केन्द्रीय मंत्री नड्डा सोमवार को जबलपुर के घंटाघर स्थित नेताजी सुभाषचंद्र बोस सांस्कृतिक सूचना केन्द्र में स्वास्थ्य विभाग द्वारा आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री नड्डा और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रिमोट का बटन दबाकर श्योपुर और सिंगरौली जिले में नवनिर्मित नवीन शासकीय चिकित्सा महाविद्यालयों का वर्चुअली लोकार्पण किया। केन्द्रीय मंत्री नड्डा ने इन दोनों मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस कोर्स की 100-100 सीटों के प्रवेश के लिए केन्द्र सरकार की ओर से लैटर ऑफ परमिशन भी राज्य सरकार को दिया। उन्होंने कहा कि लैटर ऑफ परमिशन के जरिए इन दोनों मेडिकल कॉलेज के संचालन और प्रवेश की प्रक्रिया भी आज से ही प्रारंभ कर दी गई है। केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्री नड्डा ने कहा कि हमारी नई स्वास्थ्य नीति में हमने बीमार होने के बाद इलाज करने की पुरानी व्यवस्था के बजाय नागरिक बीमार ही न पड़ें, इसके लिए प्रिवेन्टिव और प्रमोशनल हेल्थ केयर पर फोकस किया। टोटल हैल्थ केयर सेक्टर में हम विकास और विस्तार की एक नई कहानी लिख रहे हैं। उन्होंने कहा कि भारत विश्व का पहला ऐसा देश है, जिसने अपनी अधिकतम आबादी को बीमारी की इलाज के लिए 5 लाख रुपये सालाना हैल्थ कवरेज दिया है। आयुष्मान भारत निरामयम् योजना के जरिए हमने यह कर दिखाया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और स्वास्थ्य विभाग का अमला इस उपलब्धि के लिए बधाई और साधुवाद के पात्र हैं। केन्द्रीय मंत्री नड्डा और मुख्यमंत्री डॉ. यादव की उपस्थिति में बैतूल, पन्ना, धार और कटनी जिले में पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) मॉडल पर स्थापित होने वाले नए शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय के लिए संबंधित निवेशक समूहों के साथ अनुबंध पत्रों पर हस्ताक्षर एवं आदान-प्रदान भी किए गए। कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री और मुख्यमंत्री ने प्रदेश के 8 लाख पात्र वरिष्ठ नागरिकों को ‘वय वंदना कार्ड’ के वितरण कार्य का शुभारंभ करते हुए मंच से 5 वरिष्ठ नागरिकों को वय वंदना के पीवीसी कार्ड का वितरण किया। साथ ही रिमोट का बंटन दबाकर ‘आयुष्मान सखी’ स्मार्ट चैटबॉट और आशा संवाद कार्यक्रम की शुरुआत भी की। मातृ-गर्भावस्था आहार प्रचार सामग्री एवं मातृ-शिशु सुरक्षा कार्ड का विमोचन भी किया गया। राज्य सरकार के लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग ने ‘स्वस्थ यकृत मिशन’ के तहत एक करोड़ लोगों की लीवर स्क्रीनिंग पूरी कर ली है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री नड्डा ने मध्यप्रदेश सरकार द्वारा हासिल की गई इस उपलब्धि पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व और स्वास्थ्य विभाग के मैदानी अमले के समर्पण की सराहना की और बधाई दी। केंद्रीय मंत्री नड्डा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की दूरदर्शिता और मार्गदर्शन में स्वस्थ भारत के निर्माण के लिए केंद्र सरकार ने कई कदम उठाए हैं। स्वस्थ भारत से ही सशक्त और समृद्ध भारत का निर्माण होगा। नड्डा ने कहा कि मध्यप्रदेश हैल्थ सैक्टर में नेतृत्व प्रदान कर रहा है। प्रदेश में मेडिकल कॉलेजों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। भारत सरकार देशभर में स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार को लेकर क्रांतिकारी बदलाव कर रही है। पहले हमारी स्वास्थ्य नीति क्योरेटिव थी अर्थात बीमारी के बाद उसका इलाज करना। अब प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में होलिस्टिक पॉलिसी बनी है, जिसमें प्रिवेंटिव क्योर, हैल्थ प्रमोशन जैसी बातों पर ध्यान दिया गया। एक लाख 77 हजार आरोग्य मंदिरों में डेंटल केयर, मेंटल केयर, कैंसर जैसी बीमारियों की स्क्रीनिंग शुरू की गई। 30 साल से अधिक उम्र के हर व्यक्ति की आरोग्य मंदिर के माध्यम से हेल्थ स्क्रीनिंग शुरू की गई। केंद्रीय मंत्री नड्डा ने कहा कि देश में सबसे अच्छा हैल्थ सिस्टम है। पांच करोड़ से अधिक माताओं और बच्चों की स्क्रीनिंग भारत सरकार डिजिटली करती है। आशा वर्कर्स ने अंतिम पंक्ति तक स्वास्थ्य सेवाओं को पहुंचाया है। गर्भावस्था के समय महिलाओं के 5 चैकअप होते हैं। पांच करोड़ एंटी नेटल चेकअप हमारे रोबस्ट हेल्थकेयर सिस्टम को दर्शाता है। इसी प्रकार वैक्सिनेशन के क्षेत्र में भी आशा कार्यकर्ताओं की भूमिका अहम है। केंद्रीय मंत्री नड्डा ने कहा कि आज देश में 89 प्रतिशत बच्चों का जन्म अस्पतालों में हो रहा है। मातृ मृत्यु-दर आज 130 से घटकर 93 पर आ गई है। शिशु मृत्यु-दर घटकर 39 प्रतिशत पर आ चुकी है, जबकि दुनिया में यह दर 11 प्रतिशत है। देश भर में 5 करोड़ 20 लाख लोगों को हाइपरटेंशन और 3 करोड़ 50 लाख लोग डायबिटीज से पीड़ित मिले हैं। भारत सरकार सिकल सेल एनीमिया की स्कीनिंग के लिए तेजी से कार्य कर रही है। टीबी के मरीजों की भी तेजी से जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने देश के 12 करोड़ 74 लाख परिवारों अर्थात 50 करोड़ से अधिक आबादी … Read more

बाजार में धड़ाम: ट्रंप के टैरिफ के बाद Sensex-Nifty खुले और टूटे ये 10 प्रमुख शेयर

मुंबई  शेयर बाजार पर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के एक्स्ट्रा टैरिफ का असर साफ देखने को मिला है, जो आज से लागू होने वाला है. बता दें कि ट्रंप ने पहले भारत पर 25 फीसदी टैरिफ लगाया था और रूसी तेल की खरीद पर एक्स्ट्रा 25 फीसदी का टैरिफ लगाने का ऐलान किया था, जो आज 27 अगस्त से प्रभावी होने वाला है. ऐसे में भारत पर कुल मिलाकर अब 50 फीसदी टैरिफ हो जाएगा. इसके चलते सेंसेक्स-निफ्टी की शुरुआत तेज गिरावट के साथ हुई और BSE Sensex जहां 629 अंकों से ज्यादा फिसल गया, तो वहीं NSE Nifty 200 अंकों से ज्यादा तक टूट गया.  खुलते ही फिसल गया बाजार   शेयर मार्केट (Share Market) में मंगलवार को कारोबार की शुरुआत गिरावट के साथ हुई और बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स इंडेक्स अपने पिछले बंद 81,635.91 की तुलना में बुरी तरह फिसलते हुए 81,377.39 पर खुला. इसके बाद इसमें गिरावट और बढ़ गई और महज आधे घंटे के कारोबार के बाद ही Sensex गिरकर 630 अंक से ज्यादा टूटकर 81,000 के नीचे आ गया और 80,947 पर कारोबार करता दिखा.  सेंसेक्स के जैसा ही असर Nifty इंडेक्स पर भी देखने को मिला और एनएसई का ये इंडेक्स अपने पिछले बंद 24,967.75 के मुकाबले टूटकर 24,899.50 पर ओपन होने के बाद अचानत 200 अंक से ज्यादा फिसलकर 24,763 के लेवल पर कारोबार करता हुआ नजर आया.  ताश के पत्तों की तरह बिखरे ये शेयर  Trump Tariff से सहमे बाजार में अचानक आई तेज गिरावट के बीच कुछ दिग्गज कंपनियों के शेयर बुरी तरह टूटकर कारोबार करते हुए नजर आए. इनमें लार्जकैप कैटेगरी में शामिल Sunpharma Share 2.56%, Adani Ports Share 1.80%, Tata Steel Share 1.60% और Tata Motors Share 1.10% की गिरावट के साथ ट्रेड कर रहा था. मिडकैप कैटेगरी में शामिल PEL Share 2.82%, Emcure Share 2.65%, Bharat Forge Share 2.54%, Mazgaon Dock Share 2.48% फिसलकर कारोबार कर रहा था.स्मॉलकैप में सबसे ज्यादा KITEX Share 4.99% फिसला, तो वहीं Praveg Share 4.80% की गिरावट के साथ ट्रेड कर रहा था.  1207 शेयर गिरावट के साथ ओपन कमजोर ग्लोबल संकेतों के बीच शेयर बाजार की खराब शुरुआत के दौरान शुरुआती ट्रेड में करीब 1036 कंपनियों के शेयरों ने तेजी के साथ कारोबार की ओपनिंग की थी, तो वहीं 1207 कंपनियों के शेयर ऐसे थे, जो अपने पिछले बंद के मुकाबले गिरावट के साथ लाल निशान पर खुले थे. इसके अलावा 151 कंपनियों के स्टॉक्स की फ्लैट ओपनिंग हुआ, यानी इनमें किसी भी तरह का कोई बदलाव देखने को नहीं मिला. 

लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला करेंगे छत्तीसगढ़ विधानसभा भवन लोकार्पण समारोह की अध्यक्षता

छत्तीसगढ़ विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को नवीन विधानसभा भवन लोकार्पण के लिए किया आमंत्रित लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला करेंगे छत्तीसगढ़ विधानसभा भवन लोकार्पण समारोह की अध्यक्षता नवीन विधानसभा भवन के उद्घाटन के लिए पीएम मोदी को भेजा निमंत्रण, अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने किया ऐलान 1 नवंबर राज्योत्सव के दिन प्रस्तावित है नई विधानसभा का लोकार्पण, नया रायपुर में नवनिर्मित ब्रह्मकुमारी शांति शिखर के नए भवन के लोकार्पण पर भी प्रधानमंत्री ने दी स्वीकृति रायपुर /नई दिल्ली  आज छत्तीसगढ़ विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने अपने दिल्ली प्रवास के दौरान संसद भवन में माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी से आत्मीय मुलाकात की। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ. सिंह ने प्रधानमंत्री मोदी को 1 नवम्बर 2025 को प्रदेश के रजत जयंती वर्ष के अवसर पर छत्तीसगढ़ विधानसभा के नवा रायपुर (अटल नगर) स्थित नवनिर्मित विधानसभा भवन में प्रवेश करने की जानकारी दी। डॉ. रमन सिंह ने प्रधानमंत्री श्री मोदी जी को इस ऐतिहासिक अवसर पर नवीन विधानसभा भवन का लोकार्पण उनके कर-कमलों से करने हेतु सादर आमंत्रित किया। उन्होंने कहा कि यह गौरवशाली क्षण प्रदेश की जनता और सभी विधानसभा सदस्यों के लिए स्मरणीय होगा। साथ ही, विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह जी ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से भी सौजन्य भेंट की और उन्हें नवीन विधानसभा भवन के लोकार्पण समारोह की अध्यक्षता करने हेतु आमंत्रित किया। इस पर लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने विधानसभा अध्यक्ष का आमंत्रण स्वीकार किया। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह जी ने प्रधानमंत्री श्री मोदी से चर्चा करते हुए कहा कि नवा रायपुर में ब्रह्माकुमारी बहनों का नया भवन बन कर तैयार है, जिसके लोकार्पण समारोह में ब्रह्मकुमारी बहनें प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को आमंत्रित करना चाहती है। डॉ. रमन सिंह के इस आग्रह को प्रधानमंत्री ने सहर्ष स्वीकार कर ब्रह्मकुमारी संस्थान के नवीन भवन लोकार्पण के लिए भी अपनी स्वीकृति प्रदान की है। आपको बता दे कि, छत्तीसगढ़ प्रदेश अपने गठन के 25 वर्ष पूर्ण कर रहा है। इस ऐतिहासिक अवसर पर नवा रायपुर स्थित नवीन विधानसभा भवन का लोकार्पण न केवल प्रदेश की लोकतांत्रिक परंपराओं को नई ऊँचाइयों तक ले जाएगा, बल्कि यह क्षण छत्तीसगढ़ की प्रगति और सशक्त लोकतंत्र की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगा।

केंद्रीय मंत्री नड्डा और CM डॉ. यादव ने माँ नर्मदा की महाआरती में की सहभागिता

केंद्रीय मंत्री नड्डा और मुख्यमंत्री डॉ. यादव माँ नर्मदा की महाआरती में हुए शामिल केंद्रीय मंत्री नड्डा और CM डॉ. यादव ने माँ नर्मदा की महाआरती में की सहभागिता माँ नर्मदा की महाआरती में शामिल हुए केंद्रीय मंत्री नड्डा और मुख्यमंत्री डॉ. यादव माँ नर्मदा का किया अभिषेक और दीपदान जबलपुर  केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री जगत प्रकाश नड्डा एवं मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव पुण्य-सलिला माँ नर्मदा के पवित्र तट ग्वारीघाट में सोमवार की शाम माँ नर्मदा की महाआरती में शामिल हुए। केंद्रीय मंत्री नड्डा की धर्मपत्नी श्रीमती मल्लिका बैनर्जी भी महाआरती में शामिल हुईं। केंद्रीय मंत्री नड्डा एवं मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्वस्ति-वाचन, हर-हर नर्मदे, माँ नर्मदा के जयकारों और नर्मदाष्टकम् के श्लोकों की गूँज के बीच पूरे विधि-विधान से पुरोहितों की मौजूदगी में माँ नर्मदा की पूजा-अर्चना कर देश तथा प्रदेश की खुशहाली और समृद्धि की कामना की। नड्डा और डॉ. यादव ने माँ नर्मदा का दुग्धाभिषेक कर दीपदान भी किया।  लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह, राज्यसभा सदस्य श्रीमती सुमित्रा वाल्मिकी, सांसद आशीष दुबे, महापौर जगत बहादुर सिंह अन्नू, विधायक एवं अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल भी माँ नर्मदा की महाआरती में शामिल हुये। महाआरती में विधायक सर्व अशोक रोहाणी, सुशील कुमार तिवारी इंदु, डॉ. अभिलाष पांडे एवं नीरज सिंह, नगर निगम अध्यक्ष रिकुंज विज, हितानन्द शर्मा, आशीष अग्रवाल, संदीप जैन, मध्यप्रदेश पर्यटन विकास निगम के पूर्व अध्यक्ष विनोद गोंटिया, पूर्व निःशक्तजन आयुक्त दीपांकर बैनर्जी, धर्माचार्य और संत समाज मौजूद रहे। नर्मदा महाआरती के समापन पर 14 वर्षीय तेजस्विनी दुबे ने माँ नर्मदा को साफ एवं स्वच्छ रखने का सभी को संकल्प दिलाया।  

दूल्हा-दुल्हन को मिले गिफ्ट्स पर लगेगा टैक्स! कितना और कब देना होगा?

नई दिल्ली भारत में शादी-ब्याह और त्योहारों के मौके पर लाखों रुपये के तोहफे और उपहार आम बात है. लेकिन सवाल यह उठता है कि यदि किसी को शादी में 20 लाख रुपये कैश मिले तो क्या उस पर टैक्स देना होगा. आइए विस्तार से समझते हैं. शादी के तोहफे पर टैक्स: क्या कहता है कानून आयकर अधिनियम 1961 की धारा 56 के अनुसार:     दूल्हा और दुल्हन को शादी के मौके पर रिश्तेदारों और मित्रों से जो भी तोहफा मिलता है, वह टैक्स फ्री होता है.     चाहे वह कैश हो या कोई वस्तु, उस पर टैक्स नहीं लगेगा.     निष्कर्ष: यदि आपको शादी में 20 लाख रुपये कैश मिले हैं, तो इसे आयकर योग्य नहीं माना जाएगा. ध्यान देने योग्य बातें     छूट केवल दूल्हा और दुल्हन के लिए: अगर उनके परिवार को तोहफा मिलता है और उसकी वैल्यू ₹50,000 से ज्यादा है, तो उस पर टैक्स लगेगा.     रिश्तेदारों से उपहार: रिश्तेदारों से मिले तोहफे पर टैक्स नहीं लगता.     गैर-रिश्तेदारों से: 1 साल में ₹50,000 तक का तोहफा भी टैक्स फ्री है.     वसीयत या उत्तराधिकार: इनसे प्राप्त संपत्ति पर भी तुरंत टैक्स नहीं लगता. केवल संपत्ति बेचने पर कैपिटल गेन टैक्स लागू होगा. ITR में कैसे दिखाएं शादी के उपहार     बड़े तोहफे या कैश लेनदेन को Income from Other Sources में दिखाना चाहिए.     भले ही टैक्स नहीं देना पड़े, लेकिन डिक्लेरेशन देना आवश्यक है.     इससे आयकर विभाग की कार्रवाई से बचा जा सकता है. कैश ट्रांजैक्शन पर विशेष नियम     कैश लेनदेन की सीमा: ₹2,00,000 तक.     ₹2,00,000 से ऊपर कैश ट्रांजैक्शन पर जुर्माना या पेनल्टी लग सकती है.     बेहतर है कि लाखों रुपये का तोहफा बैंक ट्रांसफर या ऑनलाइन माध्यम से प्राप्त या भेजा जाए. सलाह और टिप्स     शादी में मिले सभी बड़े उपहार बैंक अकाउंट में जमा करें.     कैश लेनदेन का रिकॉर्ड रखें.     ITR फाइल करते समय इसे डिक्लेयर करें, भले ही टैक्स फ्री हो.     यह कदम आपको कानूनी सुरक्षा और भविष्य में विवाद से बचाव प्रदान करेगा.  

28 अगस्त से बदल जाएगा वॉट्सऐप: बिना डाटा-पैक भी कर पाएंगे वीडियो कॉल

नई दिल्ली आज के समय में लोगों के लिए तब सबसे बड़ी मुश्किल हो जाती है, जब उनके फोन में नेटवर्क नहीं आता है और वे जरूरत पड़ने पर भी किसी को कॉल या मैसेज नहीं कर सकते हैं। हालांकि, अब काफी हद तक लोगों की यह परेशानी दूर हो जाएगी, क्योंकि वे बिना इंटरनेट के लोकप्रिय इंस्टेंट मैसेजिंग ऐप व्हाट्सऐप के लिए वायस और वीडियो कॉल कर पाएंगे। जी हां, अगर आपको लग रहा है कि यह कैसे हो सकता है तो बता दें कि हाल ही में लॉन्च हुई Google Pixel 10 Series सीरीज के स्मार्टफोन्स में सैटेलाइट कॉल्स फीचर मिल रहा है। इसकी मदद से व्हाट्सऐप ऐप के जरिए बिना नेटवर्क के भी कॉल की जा सकती है। आइये, पूरी डिटेल जानते हैं। Google Pixel 10 से बिना नेटवर्क भी कर पाएंगे व्हाट्सऐप कॉल Google ने हाल ही में हुए इवेंट में Google Pixel 10, Pixel 10 Pro, Pixel 10 Pro XL और Pixel 10 Pro Fold स्मार्टफोन लॉन्च किए हैं। इन फोन्स को कई दमदार फीचर्स के साथ लाया गया है। अगर खासियत की बात करें तो व्हाट्सऐप के जरिए सैटेलाइट कॉल की सुविधा वाले ये पहले स्मार्टफोन्स हैं। इन सभी हैंडसेट्स में Bluetooth 6 दिया गया है। गूगल लोगों को अब इन डिवाइसेस के जरिए सर्कुलर नेटवर्क से काफी दूर होने पर भी व्हाट्सऐप कॉल करने की सुविधा दे रहे हैं। यह सुविधा देने वाली गूगल पहली कंपनी है। अभी तक ऐपल या फिर किसी अन्य कंपनी के स्मार्टफोन्स में यह फीचर नहीं मिलता है। अब तक स्मार्टफोन पर सैटेलाइट कनेक्टिविटी ज्यादातर इमरजेंसी टेक्स्ट मैसेज तक ही सीमित थी। वहीं, Pixel 10 के साथ Google इस टेक्नोलॉजी को व्हाट्सऐप में लेकर आया है। इसका मतलब है कि अब गूगल पिक्सल 10 सीरीज के फोन के साथ आप यात्रा के दौरान, पहाड़ों पर गांव में हर जगह व्हाट्सऐप कॉल कर सकते हैं, जहां नेटवर्क नहीं आ रहे हों। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि यह स्नैपड्रैगन सैटेलाइट प्लेटफॉर्म का यूज करते हुए गूगल और क्वालकॉम के बीच पार्टनरशिप के जरिए मुमकिम हुआ है। कब से मिलेगी यह सुविधा? गूगल ने एक्स पर एक ट्वीट करके इस फीचर की जानकारी दी है। यह सुविधा 28 अगस्त, 2025 से शुरू हो जाएगी। ट्वीट में एक वीडियो दिया गया है, जिसमें साफ-साफ दिख रहा है कि फोन में नेटवर्क नहीं हैं, लेकिन व्हाट्सऐप कॉल की जा सकती है। हालांकि, गूगल ने साफ कर दिया है कि यह पार्टनर कैरियर्स के जरिए उपलब्ध होगा। इस कारण अभी फीचर चुनिंदा लोगों के लिए ही आएगा। बता दें कि भारत में सैटेलाइट कम्युनिकेशन को फिलहाल मंजूरी नहीं मिली है, इस कारण भारत में अभी इस सुविधा की उपलब्धता के बारे में कुछ कह पाना मुश्किल है। हो सकता है आगे आने वाले समय में भारत में भी इस फीचर का यूज किया जा सके।

मध्यप्रदेश में ताप्ती रिजर्व: वन्यजीव संरक्षण को मिली नई पहचान, सरकार ने जारी किया नोटिफिकेशन

भोपाल  मध्यप्रदेश के पहले कंजर्वेशन रिजर्व 'ताप्ती' को सरकार ने हरी झंडी दे दी है. यह कंजर्वेशन रिजर्व 250 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र में फैला हुआ है, जिसमें रिजर्व और संरक्षित वन क्षेत्र शामिल होगा. यह कंजर्वेशन रिजर्व क्षेत्र सतपुड़ा और मेलघाट टाइगर रिजर्व के बीच वन्यजीव कॉरिडोर का हिस्सा है. राज्य सरकार ने इसका नोटिफिकेशन जारी कर दिया है और इसकी सीमाएं भी घोषित कर दी हैं. इसी के साथ एक बार फिर मध्य प्रदेश के वन्य जीवों का घर लगातार बड़ा हो रहा है. यह होगी कंजर्वेशन रिजर्व की सीमाएं मध्यप्रदेश के पहले कंजर्वेशन रिजर्व ताप्ती की सीमाएं भी निर्धारित कर दी गई हैं. यह कंजर्वेशन रिजर्व दक्षिण और पश्चिम वन मंडल बैतूल की 3 तहसील बैतूल, भीमपुर और भैंसदेही में बना है. इसमें ताप्ती, चिचोली और तावड़ी वन क्षेत्र को शामिल किया गया है. इस रिजर्व क्षेत्र में टाइगर, तेंदुआ, जंगली कुत्ते, बायसन जैसे कई वन्य जीव मौजूद हैं. जानें नेशनल पार्क, वाइल्ड लाइफ सेंक्चुरी और कंजर्वेशन रिजर्व में अंतर      ताप्ती कंजर्वेशन रिजर्व का कुल क्षेत्रफल 250 वर्ग किलोमीटर होगा.     इसमें 224.844 वर्ग किलोमीटर रिजर्व फॉरेस्ट और 25.156 वर्ग किलोमीटर संरक्षित वन क्षेत्र शामिल है.     यह पहला कंजर्वेशन रिजर्व बन गया है, जो दो टाइगर रिजर्व सतपुड़ा और मेलघाट टाइगर रिजर्व को जोड़ता है.     रिजर्व में टाइगर, लैपर्ड जैसे वन्य जीवों के अलावा ब्लैक बक, चीतल और जंगली उल्लू भी देखे जा सकते हैं. यह होगा रिजर्व से फायदा एपीसीसीएफ वाइल्ड लाइफ ए. कृष्णामूर्ति कहते हैं, '' कंजर्वेशन रिजर्व टाइगर रिजर्व और सेंक्चुरी की तरह एक संरक्षित वन क्षेत्र है. इससे बाघ सहित दूसरे वन्य प्राणियों को संरक्षण मिलेगा. यह रिजर्व दो टाइगर रिजर्व के बीच कॉरिडोर का काम करेगा. इससे स्थानीय लोगों को नुकसान के स्थान पर फायदा होगा. इस रिजर्व के बनने से इस क्षेत्र में ईको टूरिज्म को बढ़ावा मिलेगा. स्थानीय लोगों के वनोपज संग्रह के अधिकार खत्म नहीं होंगे. वहीं, आदिवासी पहले के तरह तेंदुपत्ता, चिरौंजी, सूखी लकड़ी, गोंद आदि एकट्ठा कर सकेंगे.'' क्या होता है अलग-अलग रिजर्व में अंतर? आमतौर पर सवाल उठता है कि आखिर नेशनल पार्क, वाइल्ड लाइफ सेंक्चुरी और कंजर्वेशन रिजर्व में क्या अंतर होता है? तो बता दें नेशनल पार्क में मानवीय गतिविधियों पर पूरी तरह से प्रतिबंध होता है. इस क्षेत्र में लकड़ी काटने, वनोपज इकट्ठा करने जैसी कोई भी गतिविधि नहीं की जा सकती. जबकि वाइल्ड लाइफ सेंक्चुरी में कुछ सीमित मानवीय गतिविधियां जैसे जानवरों को चराने या स्थानीय उपयोग नियंत्रित तरीके से किए जा सकते हैं. जबकि कंजर्वेशन रिजर्व का क्षेत्र बफर जोन जैसा होता हैं. यहां स्थानीय समुदाय की सहभागिता की मदद से वन्य जीवों ओर वन्य क्षेत्र का संरक्षण किया जाता है. इस क्षेत्र में रहने वालों की आजीविका को भी महत्व दिया जाता है.