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आईलीग दो की शुरुआत 27 मार्च से

नई दिल्ली आईलीग दो का अगला सत्र 27 मार्च से शुरू होगा जो भारतीय पुरुषों के फुटबॉल का तीसरा टियर है और इसमें नौ क्लब शामिल हैं। यह सत्र एकल राउंड रोबिन प्रारूप में खेला जाएगा जिसमें हर टीम आठ मैच खेलेगी। प्रत्येक टीम चार मैच अपने मैदान पर जबकि चार विरोधी के मैदार पर खेलेगी। पहले दिन कार्बी आंगलोंग मॉर्निंग स्टार एफसी का मुकाबला दीफू के केएएसए स्टेडियम में सुदेवा दिल्ली एफसी से होगा जबकि जीएमएससी की भिड़ंत मुंबई के कूपरेज स्टेडियम में स्पोर्टिंग क्लब बेंगलुरु से होगी। यह सत्र 15 मई को खत्म होगा जिसकी चैंपियन और उप विजेता टीम को इंडियन फुटबॉल लीग 2026–27 में जगह मिलेगी। नौवें स्थान पर रहने वाला क्लब स्पोर्ट्स अकादमी तिरूर को आईलीग तीन में खिसका दिया जाएगा। क्लब ने लीग शुरू होने से पहले ही आईलीग दो 2025-26 से अपना नाम वापस ले लिया था।  

Indian Premier League 2026: Virat Kohli पहुंचे भारत, 28 मार्च को हैदराबाद से RCB की टक्कर

हैदराबाद आईपीएल 2026 से पहले विराट कोहली भारत लौट आए हैं, उनके साथ अनुष्का शर्मा भी हैं। विराट जल्द ही RCB कैंप से जुड़कर नए सीजन की तैयारी शुरू करेंगे। इंडियन प्रीमियर लीग 2026 का आगाज 28 मार्च से होने जा रहा है। टूर्नामेंट के पहले मुकाबले में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु का सामना सनराइजर्स हैदराबाद से होगा। इसी बीच टीम के स्टार बल्लेबाज विराट कोहली भारत लौट चुके हैं। उन्हें 16 मार्च की रात मुंबई एयरपोर्ट पर देखा गया, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। अब जब विराट कोहली भारत लौट आए हैं, तो उनकी नजर आईपीएल में दूसरी ट्रॉफी जीतने पर होगी। 2025 में आरसीबी ने 17 साल का इंतजार खत्म करते हुए खिताब जीता था। ऐसे में इस सीजन में टीम अपने खिताब को बचाने के इरादे से मैदान में उतरेगी। तैयारी में जुटे कोहली, वीडियो हुआ वायरल आईपीएल शुरू होने से पहले ही विराट कोहली ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। हाल ही में उन्होंने एक ट्रेनिंग वीडियो शेयर किया था, जिसमें उनकी बल्लेबाजी की झलक देखने को मिली। यह वीडियो कुछ ही समय में वायरल हो गया और करीब 15 मिलियन लाइक्स पार कर गया। इससे साफ है कि टूर्नामेंट शुरू होने से पहले ही कोहली का क्रेज फैंस के बीच चरम पर है। विराट कोहली के IPL रिकॉर्ड्स विराट कोहली आईपीएल इतिहास के सबसे सफल बल्लेबाजों में गिने जाते हैं। उन्होंने 260 से ज्यादा मैचों में 8600 से अधिक रन बनाए हैं और वह इस लीग के सबसे ज्यादा रन बनाने वाले खिलाड़ी हैं। उनका सबसे यादगार सीजन 2016 रहा, जब उन्होंने 973 रन बनाए थे, जो आज भी एक सीजन में सबसे ज्यादा रन का रिकॉर्ड है। उस सीजन में उन्होंने चार शतक भी जड़े थे, जो किसी एक संस्करण में संयुक्त रूप से सबसे ज्यादा हैं। कोहली के नाम आईपीएल में कुल 8 शतक दर्ज हैं, जो इस टूर्नामेंट में किसी भी खिलाड़ी द्वारा बनाए गए सबसे ज्यादा शतक हैं। इसके अलावा उन्होंने 63 अर्धशतक भी लगाए हैं, जिससे वह सबसे ज्यादा 50+ स्कोर बनाने वाले खिलाड़ियों में शामिल हैं। RCB का शुरुआती शेड्यूल 28 मार्च: बनाम सनराइजर्स हैदराबाद- एम चिन्नास्वामी स्टेडियम, बेंगलुरु 5 अप्रैल: बनाम चेन्नई सुपर किंग्स- बेंगलुरु 10 अप्रैल: बनाम राजस्थान रॉयल्स- गुवाहाटी 12 अप्रैल: बनाम मुंबई इंडियंस- मुंबई  

रोहित-विराट के भविष्य पर अश्विन ने तोड़ी चुप्पी, बोले- गंभीर को नहीं कोई दिक्कत

नई दिल्ली भारतीय टीम के दिग्गज स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने अपने रिटायरमेंट और टीम मैनेजमेंट को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने साफ कहा कि अगर कोच गौतम गंभीर को लगता है कि सीनियर खिलाड़ियों को आगे बढ़ना चाहिए, तो यह टीम के हित में सही फैसला हो सकता है। अश्विन का यह बयान उनके करियर के अंत और टीम में बदलाव को लेकर चल रही बहस के बीच आया है। अचानक रिटायरमेंट ने चौंकाया रविचंद्रन अश्विन ने दिसंबर 2024 में भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया टेस्ट सीरीज के दौरान अचानक संन्यास का ऐलान किया था।ब्रिस्बेन टेस्ट के बाद उनका यह फैसला पूरे क्रिकेट जगत के लिए चौंकाने वाला था। वह उस समय शानदार फॉर्म में थे और कई रिकॉर्ड्स तोड़ने के करीब भी थे। फिर भी उन्होंने अपने करियर को अपने फैसले के अनुसार खत्म करने का निर्णय लिया। खुद लिया फैसला, कोई पछतावा नहीं अश्विन ने कहा कि निर्णय लेना उनकी सबसे बड़ी ताकत रही है। उन्होंने संकेत दिया कि टीम कॉम्बिनेशन में लगातार बदलाव और मौका न मिलना इस फैसले की बड़ी वजह थी। उनके मुताबिक, जब उन्हें लगा कि अब टीम में उनकी जगह स्थायी नहीं है, तो उन्होंने पीछे हटना बेहतर समझा। उन्होंने यह भी कहा कि वह वापसी के लिए इंतजार करने वालों में से नहीं हैं। कोच के फैसले पर खुलकर बोले रविचंद्रन अश्विन ने कोच गौतम गंभीर का खुलकर समर्थन किया। उन्होंने कहा कि कोच का काम टीम के लिए सही फैसले लेना होता है, चाहे उसमें बड़े खिलाड़ियों को बाहर करना ही क्यों न शामिल हो। अश्विन ने साफ कहा कि अगर गंभीर को लगा कि उन्हें, विराट कोहली या रोहित शर्मा को आगे बढ़ना चाहिए, तो इसमें कुछ गलत नहीं है। यह टीम के भविष्य को ध्यान में रखकर लिया गया फैसला हो सकता है। ‘ईगो छोड़ना जरूरी’ अश्विन ने अपने बयान में ईगो (अहम) को लेकर भी बड़ी बात कही। उन्होंने माना कि क्रिकेट में मिलने वाली लोकप्रियता कभी-कभी खिलाड़ियों को खुद को अजेय समझने पर मजबूर कर देती है। लेकिन अगर खिलाड़ी अपने अहम को अलग रखे, तो चीजें साफ नजर आती हैं। अश्विन के मुताबिक, वह खुद भी लगातार अपने ईगो को कम करने की कोशिश कर रहे हैं।  

ओरलियंस मास्टर्स में भारतीयों का जलवा: हरिहरन-अर्जुन दूसरे दौर में, आकर्षी मेन ड्रॉ में एंट्री

ओरलियंस हरिहरन अम्साकरुनन और एम आर अर्जुन की भारतीय पुरुष युगल जोड़ी ने ओरलियंस मास्टर्स सुपर 300 बैडमिंटन टूर्नामेंट में प्री-क्वार्टर फाइनल में प्रवेश कर लिया, जबकि आकर्षी कश्यप ने क्वालीफाइंग दौर में दो जीत दर्ज कर महिला एकल के मुख्य ड्रॉ में जगह बनाई। हरिहरन और अर्जुन के खिलाफ चेक गणराज्य के जिरी क्राल और ओन्ड्रेज क्राल की जोड़ी पहले गेम में 10-21 से हारने के बाद मुकाबले से हट गई। पिछले साल अल ऐन मास्टर्स सुपर 100, तुर्किये इंटरनेशनल चैलेंज और तेलंगाना इंडिया इंटरनेशनल चैलेंज खिताब जीतने वाली यह भारतीय जोड़ी अब स्कॉटलैंड के अलेक्जेंडर डन और एडम प्रिंगल की जोड़ी से भिड़ेगी। इससे पहले विश्व रैंकिंग में 63वें स्थान पर काबिज आकर्षी ने पहले मुकाबले में हमवतन श्रीयांशी वलीशेट्टी को 21-19, 17-21, 21-13 से हराया और फिर अगले मैच में ताइपे की ली वाई एच को 21-17, 21-19 से मात दी। अब उनका मुकाबला सिंगापुर की येओ जिया मिन से होगा। पुरुष एकल के क्वालीफाइंग राउंड में एस सुब्रमणियन को मलेशिया के ली जी जिया से 12-21, 18-21 से हार का सामना करना पड़ा। ली ज़ी जिया पेरिस ओलंपिक के कांस्य पदक विजेता हैं और 2025 सत्र में चोटों से जूझने के बाद वापसी का प्रयास कर रहे हैं।   महिला युगल में, भारतीय जोड़ी अश्विनी भट के और शिखा गौतम को रुई हिरोकामी और सायका होबारा की जापान की जोड़ी के खिलाफ वॉकओवर मिला।  

बड़ा झटका! BCCI के निर्णय से Jasprit Bumrah को करोड़ों का नुकसान, अब क्या करेगा बोर्ड?

नई दिल्ली भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी बीसीसीआई के एक फैसले की वजह से भारतीय तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह को दो करोड़ रुपये का फटका लगा है। ये फैसला फरवरी में बीसीसीआई ने लिया था। ये फैसला है सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट से जुड़ा हुआ, क्योंकि बीसीसीआई ने 2025-26 के सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट का ऐलान किया था तो उसमें जसप्रीत बुमराह का डिमोशन हो गया था। जसप्रीत बुमराह पिछली बार ए प्लस कैटेगरी का हिस्सा थे, लेकिन नए कॉन्ट्रैक्ट में उन्हें ए कैटेगरी में डाल दिया गया। इसके पीछे की वजह ये थी कि ए प्लस कैटेगरी को ही बोर्ड ने खत्म कर दिया था। पिछली बार के सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट में चार खिलाड़ी ए प्लस कैटेगरी में थे। इनमें विराट कोहली, रोहित शर्मा, रविंद्र जडेजा और जसप्रीत बुमराह का नाम शामिल था। विराट, रोहित और जडेजा का डिमोशन तो जायज है, क्योंकि विराट और रोहित एक ही फॉर्मेट खेल रहे हैं, जबकि जडेजा दो फॉर्मेट के प्लेयर हैं, लेकिन जसप्रीत बुमराह तो तीनों फॉर्मेट में एक्टिव हैं और लगातार खेल रहे हैं। ऐसे में बड़ा सवाल यही है कि इस खिलाड़ी के साथ नाइंसाफी हुई है और दो करोड़ का फटका भी उन्हें लगा है, क्योंकि ए प्लस कैटेगरी में सालाना करार की राशि 7 करोड़ थी, जबकि ए कैटेगरी में 5 करोड़ है। इस तरह 2 करोड़ का नुकसान बुमराह का हुआ है, लेकिन बीसीसीआई के एक अधिकारी ने बताया है कि उन्हें किसी न किसी तरह उनके नुकसान की भरपाई की जाएगी। TOI की एक रिपोर्ट के मुताबिक, BCCI अब ये पता लगाने की कोशिश में है कि बुमराह को कैसे मुआवजा दिया जा सकता है। BCCI के एक सोर्स ने कहा, "बोर्ड यह पता लगाने की कोशिश कर रहा है कि बुमराह को कैसे मुआवजा दिया जा सकता है। यह समझा जा सकता है कि उनकी फीस 7 करोड़ रुपये से घटाकर 5 करोड़ रुपये करना गलत होगा। कुछ और खिलाड़ी भी हैं, जो अच्छा परफॉर्म करने के बावजूद एक ग्रेड से नीचे चले गए हैं। कॉन्ट्रैक्ट की वैल्यूएशन में बदलाव हो सकता है।"  

ICC रैंकिंग अपडेट: Jasprit Bumrah की धमाकेदार एंट्री, पाक-कीवी खिलाड़ियों को मिला जबरदस्त फायदा

नई दिल्ली भारत ने 8 मार्च को टी20 वर्ल्ड कप जीतने के बाद से कोई टी20I मैच नहीं खेला है, और जुलाई तक इस फॉर्मेट में कोई मैच नहीं है। लेकिन आईसीसी टी20 रैंकिंग में तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह को फायदा मिला है और वो बिना कोई मैच खेले टॉप-5 में पहुंच गए हैं। ऐसा इसलिए हुआ क्योंकि दक्षिण अफ्रीका और न्यूजीलैंड ने वर्ल्ड कप के बाद कुछ टी20 मैच खेले, जिसमें दक्षिण अफ्रीका के कॉर्बिन बॉश ने रेटिंग प्वाइंट्स गंवाए और छठे स्थान पर आ गए, जिससे बुमराह को फायदा हुआ और वो आईसीसी टी20आई बॉलर्स रैंकिंग में 1 स्थान के फायदे के साथ पांचवें स्थान पर 702 रेटिंग अंक के साथ पहुंच गए। ICC Rankings में मेहदी हसन मिराज का जलवा बांग्लादेश के कप्तान मेहदी हसन मिराज ने हाल ही में पाकिस्तान के खिलाफ घरेलू वनडे सीरीज में शानदार प्रदर्शन किया था, जिसका उन्हें अब इनाम मिल गया है। बांग्लादेश ने ये सीरीज 2-1 से अपने नाम की, जिसमें मिराज ने 3 मैचों में 5 विकेट चटकाए। इस प्रदर्शन की बदौलत मिराज आईसीसी मेंस वनडे गेंदबाजों की रैंकिंग में 9 स्थान के फायदे के साथ 7वें स्थान पर पहुंच गए हैं। वहीं, वनडे ऑलराउंडर रैंकिंग में वह दो स्थान के सुधार के साथ अब दुनिया के दूसरे नंबर के ऑलराउंडर बन गए हैं।केवल मिराज ही नहीं, तंजीद हसन (31 पायदान ऊपर), लिटन दास, तस्कीन अहमद और मुस्तफिजुर रहमान की रैंकिंग में भी बड़ा सुधार देखने को मिला है। सलमान अली अगा को भी फायदा पाकिस्तान के सलमान अली आगा आईसीसी मेंस वनडे बैटर्स रैंकिंग में 9वें और ऑलराउंडर की रैंकिंग में 10वें स्थान पर पहुंच गए हैं, जबकि कप्तान शाहीन अफरीदी ऑलराउंडर रैंकिंग में 25वें नंबर पर आ गए हैं। कीवी कप्तान सेंटनर और अभिषेक शर्मा का दबदबा टी20 अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग में न्यूजीलैंड के कप्तान मिचेल सेंटनर ने अपनी बेहतरीन फॉर्म जारी रखी है। दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ जारी 5 मैचों की टी20 सीरीज के शुरुआती मुकाबलों में शानदार खेल दिखाने का उन्हें बड़ा फायदा मिला है। सेंटनर टी20 गेंदबाजों की रैंकिंग में 11 पायदान चढ़कर 13वें स्थान पर आ गए हैं। ऑलराउंडर की लिस्ट में भी वह अपने करियर की सर्वश्रेष्ठ रेटिंग के साथ 7वें स्थान पर पहुंच गए हैं। अभिषेक शर्मा नंबर-1 भारतीय फैंस के लिए गर्व की बात ये है कि टी20 बल्लेबाजों की रैंकिंग में भारत के अभिषेक शर्मा अभी भी शीर्ष पर बने हुए हैं। न्यूजीलैंड के लॉकी फर्ग्यूसन और डेवोन कॉनवे की रैंकिंग में भी सुधार हुआ है। वहीं, दक्षिण अफ्रीका के जॉर्ज लिंडे ऑलराउंडर रैंकिंग में 23वें स्थान पर पहुंच गए हैं और ओटनील बार्टमैन ने गेंदबाजों की लिस्ट में 23 पायदान की लंबी छलांग लगाई है।  

हंपी कैंडिडेट्स टूर्नामेंट में खेलने को लेकर अब भी सुनिश्चित नहीं, चिंताओं को दोहराया

नई दिल्ली भारतीय ग्रैंडमास्टर कोनेरू हंपी इस महीने साइप्रस में होने वाले प्रतिष्ठित कैंडिडेट्स टूर्नामेंट में हिस्सा लेने को लेकर अब भी असमंजस की स्थिति में हैं और उन्होंने पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष के बीच मेजबान देश में सुरक्षा की स्थिति को लेकर अपनी चिंताओं को फिर से दोहराया है। विश्व चैंपियनशिप के खिताबों के लिए चुनौती पेश करने वाले खिलाड़ियों का फैसला करने वाला कैंडिडेट्स टूर्नामेंट 28 मार्च से शुरू होना है। पुरुष वर्ग का खिताब भारत के डी गुकेश जबकि महिला वर्ग का खिताब चीन की जू वेनजुन के पास है। हंपी ने बुधवार को ‘एक्स’ पर लिखा, ‘‘मुझे पता है कि मैं अकेले शायद कुछ भी नहीं बदल सकती। लेकिन चाहे मैं कैंडिडेट्स में खेलूं या नहीं खेलूं, मुझे लगता कि जो मैं महसूस करती हूं उसे जाहिर करना जरूरी है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘मैं उन सभी की शुक्रगुजार हूं जिन्होंने अपना समर्थन दिया है। जो लोग इस स्थिति की संवेदनशीलता को नहीं समझ सकते मैं उनके लिए बात यहीं छोड़ देती हूं।’’ इस सप्ताह की शुरुआत में दो बार की महिला विश्व रैपिड चैंपियन और महिला विश्व खिताब की पूर्व चैलेंजर हंपी ने कहा था कि वह यात्रा करने में हिचकिचा रही हैं और टूर्नामेंट से नाम वापस लेने पर विचार कर रही हैं। इस महीने की शुरुआत में साइप्रस में एक ब्रिटिश हवाई अड्डे पर ड्रोन हमला हुआ था जिससे यह डर पैदा हो गया कि अमेरिका और इजरायल के ईरान पर हमलों से शुरू हुआ संघर्ष इस द्वीप पर भी सुरक्षा को गंभीर रूप से प्रभावित कर सकता है। हालांकि शतरंज की वैश्विक संचालन संस्था फिडे के सीईओ एमिल सुतोवस्की ने इन चिंताओं को यह कहते हुए खारिज कर दिया कि दूर-दूर तक भी ऐसा कुछ भी खतरनाक नहीं है जिसके लिए स्थल बदलने की जरूरत पड़े। खाड़ी देश इस समय संघर्ष की चपेट में हैं और इस क्षेत्र के ऊपर का हवाई क्षेत्र काफी हद तक बंद कर दिया गया है। सुतोवस्की ने कहा, ‘‘हमारी योजनाएं नहीं बदली हैं। हम कैंडिडेट्स टूर्नामेंट की तैयारियों के अंतिम चरण में हैं। बेशक, हम स्थिति पर नजर रख रहे हैं। साइप्रस युद्ध क्षेत्र या संघर्ष क्षेत्र से बहुत दूर नहीं है लेकिन साथ ही यह किसी भी तरह से सीधे तौर पर शामिल नहीं है और युद्ध की स्थिति में नहीं है।’’ साइप्रस भूमध्य सागर का तीसरा सबसे बड़ा द्वीप है और तुर्की के दक्षिण में स्थित है। यह यूरोपीय संघ का सदस्य है। हंपी के अलावा भारत की आर वैशाली ने भी महिला कैंडिडेट्स के लिए क्वालीफाई किया है जबकि आर प्रज्ञानानंदा ओपन वर्ग में एकमात्र भारतीय खिलाड़ी हैं।  

BCB संकट गहराया: आईसीसी से बातचीत कर बचाने की तैयारी में मंत्री अमीनुल हक

ढाका बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड पर आईसीसी से सस्पेंड होने का खतरा मंडरा रहा है। वजह है बीसीबी के चुनाव में कथित अनियमितता की हो रही जांच। बांग्लादेश की नई सरकार ने चुनाव में कथित हेरफेर, धांधली और अनियमितता की जांच के आदेश दिए हैं। आईसीसी को अगर ये बीसीबी के कामकाज में सरकार के दखल के रूप में लगा तो वह बोर्ड को सस्पेंड कर सकती है क्योंकि उसके हिसाब से क्रिकेट बोर्ड सरकार के दखल से मुक्त होने चाहिए। इस बीच अब नई सरकार ने इस मसले पर आईसीसी से चर्चा करने का फैसला किया है ताकि बीसीबी के निलंबन की गुंजाइश खत्म न रहे। बांग्लादेश के खेल मंत्री अमीनुल हक बीसीबी के भविष्य पर अंतिम फ़ैसला लेने से पहले आईसीसी से सलाह करेंगे। साथ ही उन्होंने एक दूसरी समिति बनाने का भी ऐलान किया है, जो यह जांच करेगी कि इस साल भारत और श्रीलंका में हुए पुरुषों के टी20 विश्व कप में बांग्लादेश क्यों हिस्सा नहीं ले पाया। बीसीबी पर क्यों लटकी आईसीसी से सस्पेंड होने की तलवार? 11 मार्च को खेल मंत्रालय ने पिछले साल हुए बीसीबी चुनावों में कथित अनियमितताओं, हेरफेर और सत्ता के दुरुपयोग के आरोपों की जांच के लिए एक जांच समिति बनाई थी। बीसीबी ने सोमवार को इसका जवाब देते हुए कहा कि इस समिति का गठन, बांग्लादेश सरकार की ओर से बोर्ड के मामलों में दखल के बराबर है। बंगलादेश के पूर्व फुटबॉल कप्तान हक ने मंगलवार को कहा कि पांच सदस्यीय समिति जब अपनी रिपोर्ट 15 कार्य दिवसों के भीतर सौंप देगी, तब वह इस मामले पर आईसीसी से चर्चा करेंगे। 'बीसीबी चुनाव में था मोहम्मद यूनुस सरकार का सीधा हस्तक्षेप' उन्होंने कहा, 'हम सब जानते हैं कि पिछले साल बीसीबी चुनावों में हमारी पिछली सरकार का सीधा हस्तक्षेप था। मैंने कई बार इस बारे में बात की है। ढाका के क्लबों और जिलों से मिले आरोपों के बाद हमने जांच समिति बनाई है। मैं उनकी रिपोर्ट पढ़ूंगा, लेकिन अगला क़दम आईसीसी से बात करने के बाद ही उठाऊंगा।' तमीम इकबाल जैसे दिग्गजों ने बीसीबी चुनाव में हेरफेर के लगाए थे आरोप बीसीबी चुनाव के समय दिग्गज पूर्व क्रिकेटर तमीम इकबाल और ढाका के कई क्लब अधिकारियों ने हेरफेर के आरोप लगाए थे। चुनाव से पहले ही बीसीबी अध्यक्ष अमीनुल इस्लाम पर भी हस्तक्षेप के आरोप लगे थे। चुनाव से कुछ सप्ताह पहले भेजे गए एक हस्ताक्षरित पत्र में अमीनुल ने खेल मंत्रालय से कुछ ज़िलों के काउंसिलरों को बदलने का अनुरोध किया था। तमीम ने यह भी आरोप लगाया था कि बीसीबी ने नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख दो बार बढ़ाई थी। तमीम इकबाल ने भी चुनाव लड़ने के लिए नामांकन भरा था लेकिन 1 अक्टूबर को उन्होंने अपना नाम वापस ले लिया था। अमीनुल इस्लाम ने 5 अक्टूबर को इन आरोपों से इनकार किया, जो कि मतदान से एक दिन पहले था। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद ICC से करेंगे चर्चा: खेल मंत्री बाग्लादेश के खेल मंत्री अमीनुल हक ने कहा कि जांचकर्ता यह भी देखेंगे कि चुनाव से पहले जिला प्रशासकों ने अपने नामांकन कैसे बदले। उन्होंने कहा, ‘जांच समिति बीसीबी के चुनाव आयुक्तों, मौजूदा बोर्ड अध्यक्ष, बीसीबी निदेशकों और सीईओ से बात करेगी। यह उन जिला प्रशासकों से भी संपर्क करेगी जिन्होंने बीसीबी काउंसिलरों का नामांकन किया था। आरोप है कि कई जिला प्रशासकों ने एक काउंसिलर का नाम भेजने के बाद, एक पत्र मिलने पर नया नाम भेज दिया था। मेरा मानना है कि इन मामलों की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।’ टी20 विश्व कप के मामले में बीसीबी ने सुरक्षा चिंताओं का हवाला देते हुए भारत जाने से इनकार कर दिया था, तब आईसीसी ने बांग्लादेश की जगह स्कॉटलैंड को विश्व कप के लिए शामिल कर लिया था। हक ने कहा, ‘हम यह पता लगाने की कोशिश करेंगे कि हम विश्व कप में क्यों नहीं गए। हमें समझना होगा कि हमारी खेल कूटनीति कहां कमजोर पड़ी। इस विषय पर ईद के बाद एक जांच समिति बनाई जाएगी। हमें अपनी खेल कूटनीति को मजबूत करना होगा ताकि भविष्य में यह ग़लती दोबारा न हो।’

नीलम सिरोही का बड़ा लक्ष्य—एशियन रेसलिंग चैंपियनशिप में पदक

नई दिल्ली जाग्रेब ओपन 2026 में रजत पदक जीतने वाली महिला पहलवान नीलम सिरोही ने कहा कि वह किर्गिस्तान के बिश्केके में होने वाली एशियन रेसलिंग चैंपियनशिप (सीनियर) के लिए जोरदार तैयारी कर रही है। ‘फिट इंडिया संडेज ऑन साइकिल’ कार्यक्रम के दौरान रविवार को यूनीवार्ता से बातचीत में नीलम ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि वह बेहद प्रतिस्पर्धी एशियन रेसलिंग चैंपियनशिप में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी (ट्रायल्स में चुने जाने के बाद), क्योंकि उन्हें लगता है कि यह स्पर्धा एशियन गेम्स की तैयारी के लिए एक अहम कदम होगा। नीलम, जिन्हें ‘टारगेट एशियन गेम्स ग्रुप’ (टीएजीजी) के जरिए सरकारी मदद मिल रही है, अभी नई दिल्ली के इंदिरा गांधी स्टेडियम में चल रहे भारतीय शिविर का हिस्सा हैं। उन्होंने कहा, “अभी मैं भारतीय शिविर का हिस्सा हूं। कुछ ही दिनों में एशियन चैंपियनशिप के ट्रायल्स होंगे, मुझे उम्मीद है कि अगले महीने मैं चैंपियनशिप में हिस्सा ले पाऊंगी। एशियन गेम्स में हमारे मुख्य प्रतिद्वंद्वियों का आकलन करने के लिए यह एक अहम टूर्नामेंट होगा।” नीलम ने जापान की दो बार की ओलंपिक पदक विजेता यूई सुसाकी सराहना करते हुए कहा, “वह मेरी पसंदीदा खिलाड़ी हैं, उनकी तकनीकी क्षमताएं बहुत अच्छी हैं, और वह बहुत तेज गति से तकनीकों का इस्तेमाल करती हैं, जिससे उनके दांव बहुत असरदार हो जाते हैं।” उन्होंने कहा, “मैं पहलवानों के परिवार से आती हूं, मेरे पिता, चाचा और दादा, सभी पहलवान थे। मैं बहुत कम उम्र से ही पहलवान बनना चाहती थी, मेरे पिता ने मेरा साथ दिया। उन्होंने मुझसे पूछा नहीं, बल्कि सबको बताया कि मैं एक पहलवान बनूंगी।” आईजी स्टेडियम में चल रहे प्रशिक्षण शिविर की देखरेख कर रहीं भारतीय खेल प्राधिकरण (साइ) की कोच भारती ने कहा कि उन्हें कॉन्टिनेंटल चैंपियनशिप में ढेर सारे पदक जीतने की उम्मीद है। उन्होंने कहा, “हम अपने पहलवानों की गति बढ़ाने पर विशेष ध्यान दे रहे हैं। हमारे पास एक मजबूत टीम है और मुझे उम्मीद है कि वे सभी पदक जीतेंगे, जिनमें से अधिक स्वर्ण पदक होंगे।”  

विश्व पदक विजेता अंतिम पंघाल पर भारी पड़ी मीनाक्षी गोयत, एशियाई चैंपियनशिप के लिए टीम में एंट्री

नई दिल्ली भारतीय महिला कुश्ती के 53 किग्रा वर्ग में एक बड़ा फेरबदल देखने को मिला है। सोनीपत में पूर्व राष्ट्रीय कोच कुलदीप मलिक के मार्गदर्शन में प्रशिक्षण लेने वाली मीनाक्षी गोयत ने दिग्गज पहलवान अंतिम पंघाल को शिकस्त देकर आगामी एशियाई चैंपियनशिप के लिए भारतीय टीम में अपना स्थान पक्का कर लिया है। ट्रायल के दौरान मीनाक्षी ने अपने पुराने “आत्म-संदेह” को पीछे छोड़ते हुए शानदार रक्षात्मक खेल दिखाया। उन्होंने पहले 6-2 की बढ़त बनाई और फिर मुकाबले के आखिरी क्षणों में ‘विन बाय फॉल’ (चित करके) के जरिए दो बार की विश्व चैंपियनशिप पदक विजेता अंतिम को धूल चटा दी। विनेश फोगाट के वर्ग बदलने के बाद इस कैटेगरी में अंतिम का दबदबा माना जा रहा था, जिसे मीनाक्षी ने अपनी मजबूत पकड़ से तोड़ दिया। इस जीत के साथ ही मीनाक्षी अब 6 से 11 अप्रैल तक किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में आयोजित होने वाली एशियाई चैंपियनशिप में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी। जीत के बाद उत्साहित मीनाक्षी ने कहा कि उन्होंने पिछली गलतियों से सीखा और बड़े नाम के दबाव में आने के बजाय अपनी क्षमता पर भरोसा किया। इसी ट्रायल के दौरान 50 किग्रा वर्ग में नीलम ने भी बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए टीम में जगह बनाई। अन्य महिला वर्गों में मानसी अहलावत (62 किग्रा), मनीषा भानवाला (57 किग्रा), नेहा सांगवान (59 किग्रा) और हर्षिता (72 किग्रा) सहित कई अन्य पहलवानों ने भी अपने-अपने भार वर्ग में जीत दर्ज कर भारतीय दल में स्थान सुरक्षित किया है। महिला पहलवानों के साथ-साथ पुरुष फ्रीस्टाइल वर्ग के ट्रायल भी संपन्न हुए, जिसमें स्टार पहलवानों ने अपना दबदबा कायम रखा। 57 किग्रा में अंकुश और 61 किग्रा में अमन सहरावत ने शानदार जीत के साथ टीम में प्रवेश किया। इसके अलावा सुजीत कलकल (65 किग्रा), जयदीप (74 किग्रा) और विक्की (97 किग्रा) ने भी अपने प्रतिद्वंद्वियों को हराकर एशियाई चैंपियनशिप का टिकट हासिल किया है। भारतीय कुश्ती संघ को उम्मीद है कि युवाओं और अनुभवी पहलवानों का यह संतुलित दल किर्गिस्तान में पदकों की झड़ी लगाएगा। मीनाक्षी की इस जीत ने साबित कर दिया है कि भारतीय कुश्ती में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है और नए चेहरे वैश्विक मंच पर चमकने को तैयार हैं।