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प्रशासन का एक्शन: छांगुर बाबा की कोठी पर चला बुलडोजर, अब खर्च भी उन्हीं से वसूला जाएगा

बलरामपुर उत्तर प्रदेश के बलरामपुर में जमालुद्दीन उर्फ छांगुर बाबा की जिस आलीशान कोठी को प्रशासन ने बुलडोजर से ध्वस्त किया था, अब उस ध्वस्तीकरण का खर्चा भी छांगुर बाबा से वसूला जाएगा. बाबा की कोठी पर हुई ध्वस्तीकरण की इस कार्रवाई के बाद उसपर वसूली का नोटिस चस्पा किया जाएगा. क्योंकि, सरकारी जमीन पर बनाए गए हिस्से के ध्वस्तीकरण में आए खर्च की वसूली उसी से की जाएगी.  आपको बता दें कि बलरामपुर जिला प्रशासन आज कोठी पर चस्पा वसूली का नोटिस करने जा रहा है. ध्वस्तीकरण में जेसीबी का खर्च, सुरक्षा में लगे पुलिसकर्मियों के तीन दिन का वेतन समेत अन्य खर्च शामिल है. ये रकम 8 लाख 55 हजार रुपये से अधिक है.  गौरतलब है कि छांगुर बाबा की जिस कोठी एक एक बड़े हिस्से को जमींदोज किया गया, वह किसी महल से कम नहीं थी. पूरी कोठी सीसीटीवी से लैस थी. इसमें प्राइवेट पावर प्लांट लगा था. दर्जनों सोलर पैनल भी लगे थे. इतना ही नहीं बाउंड्री पर कटीले तार तक बिछे थे. कथित तौर पर इनमें करंट दौड़ता था, ताकि कोई कोठी के आसपास फटक न पाए. कोठी के अंदर ही एक सीक्रेट कंट्रोल रूम भी था, जिससे पूरे घर के सीसीटीवी कैमरों की निगरानी की जाती थी और ये कंट्रोल रूम बाबा के बेडरूम में था. अंदर-बाहर आने-जाने वाले हर व्यक्ति की इसमें रिकॉर्डिंग होती थी. मालूम हो कि यूपी पुलिस छांगुर बाबा, उसकी करीबी नीतू रोहरा, नीतू के पति जलालुद्दीन और बाबा के बेटे को पहले ही अरेस्ट कर चुकी है. बाकी आरोपियों की तलाश जारी है. मामले में एटीएस और ईडी जांच कर रही है. करोड़ों की फंडिंग की बात भी सामने आई है. बाबा के पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी के संपर्क में होने के संकेत मिले हैं.

सावन स्नान बना हादसा: गहरे पानी में डूबा किशोर, SDRF जुटी खोज में

वैशाली सावन के पवित्र महीने में गंगा स्नान की परंपरा हर साल लाखों श्रद्धालुओं को नदी किनारे खींच लाती है, लेकिन कभी-कभी यह श्रद्धा भारी पड़ जाती है। वैशाली जिले के बिदुपुर थाना क्षेत्र स्थित नवानगर घाट पर सोमवार सुबह ऐसा ही एक दुखद हादसा हुआ, जब स्नान के दौरान एक किशोर गंगा नदी के गहरे पानी में डूब गया। हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरातफरी मच गई, वहीं मौके पर पहुंचे परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है।   स्नान के दौरान हुआ हादसा, युवक अब तक लापता जानकारी के मुताबिक, सराय थाना क्षेत्र के भकरोहर गांव निवासी अशोक ठाकुर का 15 वर्षीय पुत्र हिमांशु कुमार सोमवार सुबह अपने मौसेरे भाई विक्रम के साथ गंगा नदी में स्नान करने गया था। हिमांशु बीते तीन दिन पहले ही अपने मौसा राजकुमार चौधरी के घर आया था, जो राजापाकर थाना क्षेत्र के रंदाहा गांव में रहते हैं। सोमवार सुबह वह मौसेरे भाई के साथ नवानगर घाट पहुंचा और वहां स्नान करने के दौरान गहरे पानी में चला गया। अचानक उसका संतुलन बिगड़ा और वह डूब गया।   मौसेरे भाई ने दी परिवार को सूचना, घाट पर जुटी भीड़ हिमांशु के साथ स्नान कर रहे विक्रम ने जैसे ही यह देखा कि उसका भाई डूब रहा है, उसने तुरंत शोर मचाया और घटना की जानकारी परिजनों को दी। सूचना मिलते ही हिमांशु के परिवार के लोग भागते हुए घाट पर पहुंचे। देखते ही देखते स्थानीय लोग भी बड़ी संख्या में वहां इकट्ठा हो गए। गंगा की लहरों के बीच लापता किशोर को ढूंढ़ने के प्रयास शुरू हो गए, लेकिन सफलता नहीं मिली। पुलिस और SDRF टीम कर रही शव की तलाश स्थानीय प्रशासन को सूचना मिलने के बाद बिदुपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। वहीं SDRF (State Disaster Response Force) की टीम भी घटनास्थल पर पहुंचकर गंगा नदी में शव की तलाश में जुट गई है। पानी का बहाव तेज होने के कारण तलाशी अभियान में परेशानी आ रही है। पुलिस ने बताया कि किशोर की तलाश के लिए हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं और नदी के कई हिस्सों में खोजबीन जारी है।   परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल, गांव में पसरा मातम हादसे के बाद भकरोहर गांव और रंदाहा गांव दोनों में ही मातम का माहौल है। हिमांशु दो भाइयों में एक था और हाल ही में गर्मी की छुट्टियों के दौरान मौसी के घर आया था। किसी को अंदेशा नहीं था कि उसका यह गंगा स्नान उसकी जिंदगी का आखिरी स्नान बन जाएगा। परिजन घाट पर बैठकर बेसुध हो चुके हैं और उन्हें ढांढ़स बंधाना मुश्किल हो रहा है। वहीं स्थानीय लोगों ने भी हादसे पर गहरा दुख व्यक्त किया है।

बदलाव की ओर कदम: यूपी के खाली स्कूलों में संचालित होंगे आंगनबाड़ी केंद्र

लखनऊ उत्तर प्रदेश में सियासत फिलहाल प्राथमिक विद्यालयों के मर्जर और शराब की नई कंपोजिट दुकानों के खुलने को लेकर है। हैरानी की बात ये है कि पूरे प्रदेश भर में जितने स्कूल छात्रों की संख्या के अभाव में बंद/मर्ज किए गए है उतने की ही संख्या यानी 27 हज़ार कम्पोजिट शराब दुकानें प्रदेश भर में खोली गई है। ऐसे में समाजवादी पार्टी, कांग्रेस समेत सभी विपक्षी दलों ने इसका पुरजोर विरोध किया है। हालांकि मर्जर के बाद रिक्त विद्यालयों की भूमि या भवन का क्या उपयोग होगा इसको लेकर बड़ा सवाल था। जिसपर की सरकार ने आंगनबाड़ी केंद्रों को संचालित करने का निर्णय किया है। बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग की ओर से जारी निर्देश में कहा गया है कि तीन से छह वर्ष तक के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण पूर्व प्राथमिक शिक्षा देने के लिए बेहतर संसाधनों और सुविधाओं की जरूरत है, जो इन रिक्त विद्यालयों के माध्यम से पूरी की जा सकती है।  

महिला श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए योगी सरकार का एक्शन प्लान तैयार, खास इंतजाम किए गए

लखनऊ  उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने कांवड़ यात्रा में महिला श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर इस बार विशेष तैयारियां की हैं। सीएम योगी के निर्देश पर कांवड़ मार्गों पर 10 हजार से अधिक महिला पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। ताकि यात्रा में शामिल महिलाओं को सुरक्षित माहौल मिल सके। पुलिस के आंकड़ों के मुताबिक इस बार कुल 66 हजार से अधिक पुलिसकर्मी यात्रा रूट पर तैनात किए गए हैं। इनमें 8 हजार से अधिक महिला सिपाही और 1,486 महिला उपनिरीक्षक शामिल हैं। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक  इस बार यात्रा में लगभग 6 करोड़ श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है। जिनमें 60 से 70 लाख महिलाएं हो सकती हैं। महिला केंद्रित सुरक्षा मॉडल की शुरुआत सीएम योगी आदित्यनाथ ने उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक में महिला केंद्रित सुरक्षा मॉडल अपनाने के निर्देश दिए थे। इसके बाद प्रदेशभर में महिला श्रद्धालुओं के लिए विशेष हेल्प डेस्क, रात में महिला बल की तैनाती और QR (क्विक रिस्पॉन्स टीम) में महिलाओं की अनिवार्य भागीदारी सुनिश्चित की गई है। सावन कांवड़ यात्रा में महिला श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए योगी सरकार की विशेष तैयारी, 10 हजार से अधिक महिला पुलिसकर्मी तैनात यात्रा रूट पर 150 से अधिक महिला हेल्प डेस्क स्थापित किए गए हैं। जहां महिला कांस्टेबल न सिर्फ सहायता करेंगी, बल्कि ज़रूरत पड़ने पर परामर्श भी उपलब्ध कराएंगी। साथ ही ‘शक्ति हेल्प बूथ’ के ज़रिए महिला श्रद्धालुओं को मार्गदर्शन, विश्राम और मेडिकल सलाह की सुविधा दी जा रही है। मेरठ जोन में सबसे बड़ा महिला बल कांवड़ यात्रा के प्रमुख मार्ग मेरठ ज़ोन में सबसे अधिक महिला पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। मेरठ, मुज़फ्फरनगर, बागपत, हापुड़ और गाजियाबाद जिलों में कुल मिलाकर 3,200 महिला पुलिसकर्मी ड्यूटी पर हैं। इन जिलों में संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी के अलावा, हर कुछ किलोमीटर पर सहायता केंद्र भी बनाए गए हैं। सुरक्षा को और पुख़्ता करने के लिए ड्रोन कैमरों और सीसीटीवी नेटवर्क की मदद से यात्रा मार्गों की निगरानी की जा रही है। इसके साथ ही, सोशल मीडिया पर संदिग्ध गतिविधियों की भी बारीकी से मॉनिटरिंग हो रही है, ताकि किसी भी तरह की अफवाह या अव्यवस्था को समय रहते रोका जा सके। 11 जोन में 24×7 कंट्रोल रूम प्रदेश में कांवड़ यात्रा के लिए 11 ज़ोन में विशेष कंट्रोल रूम स्थापित किए गए हैं। जिनकी निगरानी महिला अधिकारियों द्वारा 24×7 की जा रही है। साथ ही, हेल्पलाइन नंबरों पर भी महिला पुलिसकर्मी मौजूद रहेंगी। जिससे महिला यात्रियों को किसी भी वक्त त्वरित सहायता मिल सके।

KGMU पहुंचें मुख्यमंत्री योगी, 900 करोड़ के प्रोजेक्ट्स का किया उद्घाटन

लखनऊ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को किंग जाॅर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय (केजीएमयू) में सोमवार को 941 करोड़ की योजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। मुख्यमंत्री ने 92 बेड के कार्डियोलाॅजी आईसीयू भवन और 340 बेड के ऑर्थोपेडिक सुपर स्पेशियलिटी सेंटर का लोकार्पण किया। इसके साथ ही 300 बेड की क्षमता वाले जनरल सर्जरी विभाग के नए भवन, 500 बेड वाले ट्रामा-2 भवन, नए प्रशासनिक भवन, 450 बिस्तरों की क्षमता वाला पांच मंजिला डायग्नोस्टिक सेंटर और 14 नए कमरों वाले गेस्ट हाउस शिलान्यास भी किया। इस माैके पर स्वास्थ्य मंत्री ब्रजेश पाठक और स्वास्थ्य राज्यमंत्री मयंकेश्वर शरण सिंह, प्रमुख सचिव पार्थ सारथी सेन शर्मा, कुलपति प्रो सोनिया नित्यानंद और प्रो केके सिंह मौजूद रहे . अत्याधुनिक सुविधाओं से होंगे लैस ऑर्थोपेडिक सुपर स्पेशियलिटी सेंटर में एक ही छत के नीचे आर्थोपेडिक सर्जरी, स्पोर्ट्स मेडिसिन, पीडियाट्रिक सर्जरी, रेडियोलॉजी और पैथोलॉजी जैसी सुविधाएं होंगी। सात मंजिला भवन में 220 बेड आर्थोपेडिक्स, 60-60 बेड स्पोर्ट्स और पीडियाट्रिक आर्थो, 24 HDU बेड, 8 ऑपरेशन थिएटर, और 24 प्राइवेट रूम होंगे। नए कार्डियोलॉजी ब्लॉक से लारी कार्डियोलॉजी ICU की क्षमता 84 से बढ़कर 180 बेड हो जाएगी। इसमें दो कैथ लैब, 6 ईको मशीन, 96 बेड साइड मॉनिटर, 120 सिरिंज पंप और एडवांस कार्डियोलॉजी उपकरण शामिल होंगे। हड्डी का एक छत के नीचे पूरा इलाज केजीएमयू के आठ मंजिला सेंटर फॉर आर्थोपैडिक्स एवं सुपर स्पेशिलयालिटी भवन में एक छत के नीचे डॉक्टर की सलाह, जांच व भर्ती होगी। लगभग 86 करोड़ रुपए की लागत से तैयार इस भवन में कुल 340 बेड होंगे। जिसमें 24 प्राइवेट रूम शामिल हैं। 24 आईसीयू बेड हैं। आठ ऑपरेशन थिएटर हैं। आठ ओपीडी रूम हैं। आर्थोपैडिक्स सर्जरी, पीडियाट्रिक आर्थोपैडिक्स, स्पोर्ट मेडिसिन विभाग हैं। बोन बैंक के लिए भी स्थान तय है। रेडियोडायग्नोसिस व पैथोलॉजी सेंटर भी है। सिटी स्कैन, एक्सरे मशीन लग गई है। सस्ती दवाओं के लिए एचआरएफ काउंटर है। यहां आर्थोप्लास्ट, नी-हिप रिप्लेसमेंट आधुनिक सुविधा है। 500 बेड ट्रॉमा टू का शिलान्यास मुख्यमंत्री गंभीर मरीजों को बेहतर इलाज मुहैया कराने के लिए ट्रॉमा टू का शिलान्यास करेंगे। इसमें 500 बेड होंगे। इसमें घायलों को भर्ती कर इलाज मुहैया कराया जाएगा। जबकि पुराने ट्रॉमा सेंटर में इमरजेंसी में आने वाले मरीजों को इलाज उपलब्ध कराया जाएगा। पेसेन्ट यूटिलिटी काम्पेक्स भी बनेगा। इन पर करीब 296 करोड़ रुपए की लागत से ट्रॉमा-2 तैयार किया जाएगा। मौजूदा समय में ट्रॉमा सेंटर में करीब 466 बेड हैं। प्रदेश भर से मरीज आ रहे हैं। बेड फुल होने की दशा में मरीज निजी अस्पतालों में इलाज कराने को मजबूर हैं। 300 बेड होंगे जनरल सर्जरी विभाग में मुख्यमंत्री जनरल सर्जरी विभाग का नवीन भवन का शिलान्यास करेंगे। 9.62 एकड़ में तैयार होने वाली बिल्डिंग में 300 बेड होंगे। रोबोटिक सर्जरी की सुविधा होगी। 315 करोड़ रुपए की लागत का अनुमान है। 11 मंजिला भवन बनेगा। 12 ऑपरेशन थिएटर होंगे। जिसमें एक एडवांस रोबोटिक सर्जरी की ओटी, 11 माड्यूलर ऑपरेशन थिएटर होंगे। इसमें छह ओटी लैप्रोस्कोप सिस्टम से लैस होंगी। भवन में ऑडिटोरियम समेत अन्य सुविधाएं होंगी। 48 करोड़ रुपए की लागत से नवीन प्रशासनिक भवन बनेगा। डायग्नोस्टिक सेन्टर एवं पीआरए फैसेलिटी ब्लॉक बनेगा। इस पर करीब 48 करोड रुपए खर्च होंगे। न्यू गेस्ट हाउस का विस्तार का भी शिलान्यास करेंगे। किरकिरी के बाद बदला फैसला लंबी जद्दोजहद के बाद आखिरकार जनरल सर्जरी विभाग की नई बिल्डिंग शताब्दी भवन के पास बनेगी। केजीएमयू प्रशासन इस भवन को दूसरी जगह शिफ्ट कराना चाह रहा था। इसको लेकर काफी पत्राचार भी किया। इससे शासन प्रशासन की काफी किरकिरी भी हुई। अधिकारियों का कहना है कि भवन की डिजाइन, नक्शा, निर्माण एजेंसी व बजट पास होने के बाद स्थान बदलने की कवायद उचित नहीं थी। इसमें समय की बर्बादी थी। नए स्थान पर भवन बनाने के लिए फिर से मिट्टी की जांच, नक्शा आदि पास कराना पड़ता। इससे निर्माण में देरी होती। इसका खामियाजा मरीजों को भुगतना पड़ता। दो बड़े प्रोजेक्ट्स का शिलान्यास मुख्यमंत्री 500 बेड वाले ट्रॉमा-2 सेंटर और 300 बेड की क्षमता वाले जनरल सर्जरी विभाग का शिलान्यास भी करेंगे। ट्रॉमा सेंटर पर 296 करोड़, जबकि जनरल सर्जरी भवन पर 315 करोड़ रुपये खर्च होंगे। जनरल सर्जरी भवन में 12 ऑपरेशन थिएटर, जिनमें एक एडवांस रोबोटिक ओटी शामिल है, और दो मंजिला अंडरग्राउंड पार्किंग भी होगी।

एसटीएफ मुठभेड़ में संजीव जीवा और मुख्तार अंसारी गिरोह का शूटर शाहरुख पठान ढेर

मुजफ्फरनगर मुजफ्फरनगर में मेरठ स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) को बड़ी कामयाबी मिली है। मेरठ स्पेशल टास्क फोर्स ने गैंगस्टर संजीव माहेश्वरी जीवा और माफिया डॉन मुख्तार अंसारी गिरोह के शूटर शाहरुख पठान को मुठभेड़ में मार गिराया। खालापार निवासी शाहरुख पठान ने पुलिस पर 10 से ज्यादा राउंड फायरिंग की। जवाबी फायरिंग में एसटीएफ ने शार्प शूटर शाहरुख पठान को मार गिराया। जानकारी के अनुसार, शाहरुख पठान पर एक दर्जन से अधिक मामले दर्ज थे। एसटीएफ ने मौके से तीन पिस्तौलें बरामद कीं। 60 से ज़्यादा कारतूस और एक कार भी बरामद की गई है। पुलिस ने शाहरुख पठान के पास से एक 9 एमएम की देसी पिस्तौल भी बरामद की है। एसटीएफ के एएसपी बृजेश कुमार ने बताया कि एक सूचना के आधार पर एसटीएफ टीम ने कार सवार बदमाश की घेराबंदी की थी। देर रात छपार क्षेत्र में बिजोपुरा तिराहे पर कार सवार बदमाश से मुठभेड़ हो गई। मुठभेड़ में मुजफ्फरनगर जनपद के थाना खालापार के मोहल्ला खालापार निवासी शाहरुख पठान मारा गया। उससे देसी पिस्टल सहित तीन पिस्टल व 50 से अधिक कारतूस बरामद हुए।   एएसपी ने बताया कि मुठभेड़ में ढेर बदमाश के खिलाफ एक दर्जन से अधिक मुकदमे दर्ज हैं। वह पूर्व में पुलिस कस्टडी में हत्या भी कर चुका है। उसके बारे में अन्य जानकारी जुटाई जा रही है।

सोमवार को काशी में शिवभक्ति की बयार: रुद्राभिषेक, सप्तऋषि आरती और ‘बम-बम भोले’ की गूंज

वाराणसी श्रावण मास के प्रथम सोमवार पर श्री काशी विश्वनाथ ज्योतिर्लिंग में आज प्रातः सप्तऋषि आरती का दिव्य और अलौकिक आयोजन सम्पन्न हुआ। बाबा विश्वनाथ के दरबार में श्रद्धा, भक्ति और आस्था का समुंदर उमड़ पड़ा, जब श्रद्धालुओं ने साक्षात सप्तऋषियों के स्वरूप में आरती का दर्शन किया। साथ ही श्री काशी विश्वनाथ धाम में धार्मिक उल्लास और आस्था के वातावरण में विशेष सोमवासरीय रूद्राभिषेक का आयोजन किया गया। यह आयोजन श्री काशी विश्वनाथ मंदिर न्यास द्वारा संकल्पित परंपरा के अंतर्गत हुआ, जिसमें प्रत्येक सोमवार को संकल्प पाठ संग रूद्राभिषेक किया जाता है। आज के दिव्य आयोजन में श्री काशी विश्वनाथ मंदिर न्यास की ओर से मुख्य कार्यपालक अधिकारी ने प्रतिनिधित्व करते हुए श्री अविमुक्तेश्वर महादेव का विशेष उद्देश्य के साथ संकल्प पाठ व रुद्राभिषेक किया। विश्वनाथ धाम शिवमय हो उठा धूप, दीप, नैवेद्य और शंखनाद के साथ जब आरती प्रारंभ हुई, तो सम्पूर्ण विश्वनाथ धाम शिवमय हो उठा। सप्त ऋषियों की परंपरा अनुसार होने वाली यह आरती केवल विशेष पर्वों एवं सावन जैसे पवित्र मास में ही आयोजित होती है, जो शिव भक्तों के लिए परम दुर्लभ और पुण्यकारी मानी जाती है। भक्तों की लगी लंबी कतार भक्तों की लंबी कतारों और “हर हर महादेव” के जयघोष के बीच काशी नगरी का हर कोना आज शिवभक्ति में डूबा रहा। बाबा के जलाभिषेक, पुष्पांजलि और रुद्राभिषेक के बाद हुई यह सप्तऋषि आरती, श्रद्धालुओं के लिए आत्मिक शांति और अद्भुत आध्यात्मिक अनुभव लेकर आई।

100 करोड़ की संदिग्ध फंडिंग का खुलासा: छांगुर बाबा के अतीक अहमद से जुड़े रिश्ते की जांच तेज

लखनऊ  उत्तर प्रदेश में धर्मांतरण के आरोपी जलालुद्दीन उर्फ छांगुर बाबा को लेकर रोज नए खुलासे हो रहे हैं। बताया जा रहा है कि छांगुर बाबा माफिया अतीक अहमद का करीबी रहा है। साल 2014 के लोकसभा चुनाव में वह श्रावस्ती सीट से अतीक अहमद के प्रचार के लिए पहुंचा था। और कई जनसभाओं में उसके साथ मंच साझा किया था।  धर्मांतरण केस में नया खुलासा छांगुर बाबा ने मुस्लिम बहुल इलाकों में वोटरों को प्रभावित करने के लिए अतीक अहमद के पक्ष में वोट मांगे थे। उस समय अतीक समाजवादी पार्टी के टिकट पर चुनाव लड़ रहे थे। उनका मुकाबला बीजेपी के दद्दन मिश्रा से था। हालांकि अतीक को हार का सामना करना पड़ा था। दद्दन मिश्रा चुनाव जीत गए थे। दद्दन मिश्रा का विपक्ष पर निशाना अब बीजेपी के पूर्व सांसद और मौजूदा जिला पंचायत अध्यक्ष दद्दन मिश्रा का बयान सामने आया है। उन्होंने कहा, “बलरामपुर में धर्मांतरण की जो घटना सामने आई है। वह मानवता को शर्मसार करने वाली है। छांगुर बाबा जैसे लोग पूर्ववर्ती सरकारों के संरक्षण में पनपे हैं। सभी जानते हैं कि इन्हें विपक्षी दलों का राजनीतिक सहारा मिला हुआ था। अब योगी सरकार में इन पर शिकंजा कसा जा रहा है।” दद्दन मिश्रा ने मांग की है कि सिर्फ आरोपी बाबा ही नहीं, बल्कि उसे संरक्षण देने वाले राजनीतिक दलों, नेताओं और अधिकारियों की भी जांच होनी चाहिए। 100 करोड़ की फंडिंग की जांच में जुटी एजेंसियां यूपी पुलिस ने छांगुर बाबा के साथ उसकी करीबी नीतू रोहरा, उसके पति जलालुद्दीन और बाबा के बेटे को गिरफ्तार कर लिया है। बाकी सहयोगियों की पुलिस तलाश कर रही है. इस मामले में उत्तर प्रदेश ATS और प्रवर्तन निदेशालय (ED) भी सक्रिय हो गई हैं। शुरुआती जांच में 100 करोड़ रुपये से अधिक की संदिग्ध फंडिंग का खुलासा हुआ है। साथ ही छांगुर बाबा के पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI से संपर्क में होने के संकेत भी मिले हैं।

उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री को जान से मारने की धमकी, जांच में जुटी पुलिस

बलिया योगी सरकार के कैबिनेट मंत्री और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर को जान से मारने की धमकी देने का मामला सामने आया है। यह धमकी सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए दी गई है, जिसमें आरोपी युवक ने लिखा है कि ‘ मैं ओमप्रकाश राजभर को गोली मार दूंगा…। बताया जा रहा है कि धमकी देने वाला युवक करणी सेना का जिलाध्यक्ष है, जिसका नाम कमलेश सिंह है। इस पूरे मामले की जानकारी मिलने के बाद सुभासपा के वरिष्ठ नेता अरुण राजभर ने नाराज़गी जताई है और कहा है कि इस संबंध में रसड़ा थाने में तहरीर दी जाएगी। छानबीन में जुटी पुलिस फिलहाल पुलिस प्रशासन पूरे मामले की जांच में जुट गया है। सोशल मीडिया पर धमकी देने की बात को गंभीरता से लेते हुए संबंधित युवक की भूमिका खंगाली जा रही है।

ठाकुरगंज हादसा: सीएम योगी ने दिए कड़े निर्देश, इंजीनियरों पर गिरी गाज

लखनऊ राजधानी लखनऊ के ठाकुरगंज क्षेत्र में नाले में गिरने से एक युवक की मौत हो गई थी। अब सीएम योगी आदित्यनाथ ने इस घटना पर संज्ञान लिया है। उन्होंने मृत आत्मा को शोक संवेदना व्यक्त करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की। सीएम योगी ने त्वरित कार्रवाई करते हुए जूनियर इंजीनियर को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया है। पीड़ित परिवार को 9 लाख की आर्थिक सहायता सीएम योगी ने घटना को लेकर सहायक अभियंता (एई) को कारण बताओ नोटिस जारी करने के फरमान दिया है। साथ ही मृतक के परिजनों को 5 लाख मुख्यमंत्री राहत कोष और 4 लाख आपदा राहत कोष से आर्थिक सहाय उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। इस दौरान योगी ने साफ शब्दों में कहा कि जनता की सुरक्षा से लापरवाही बरतने वाले को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। निर्माण एजेंसी के खिलाफ होगी कार्रवाई नगर विकास विभाग के प्रमुख सचिव को सीएम योगी ने पूरे मामले को लेकर जवाबदेही सुनिश्चित करने का आदेश दिया है। साथ ही संबंधित अधिकारियों एवं एजेंसियों की भूमिका की गहराई से जांच कराने की बात कही है। उन्होंने अधिकारियों को संबंधित निर्माण एजेंसी के विरुद्ध केस दर्ज करने का निर्देश दिया है ताकि लापरवाही के लिए दंडित करना सुनिश्चित हो सके। इस दौरान सीएम योगी ने कहा कि यह केवल एक हादसा नहीं, बल्कि प्रशासनिक प्रणाली की गंभीर चूक है। जिसे तत्काल प्रभाव से ठीक करने की जरूरत है। ऐसी घटनाओं के प्रति प्रदेश सरकार अत्यंत गंभीर है।यह सुनिश्चित किया जाएगा कि ऐसी दुर्भाग्यपूर्ण पुनरावृत्तियाँ भविष्य में न हो।