samacharsecretary.com

कोरबा में भ्रष्टाचार का VIDEO वायरल, रिश्वत लेते पकड़ा गया पटवारी; SDM की बड़ी कार्रवाई

कोरबा. एक और पटवारी का किसान से रिश्वत लेते वीडियो वायरल हुआ है, जिसके बाद एसडीएम ने कार्रवाई करते हुए पटवारी को निलंबित कर दिया है. मामला कोरबा जिले के पोड़ी उपरोड़ा ब्लॉक के पसान तहसील के पिपरिया हल्के का मामला है. जानकारी के अनुसार, पिपरिया व सिर्री हल्के के पटवारी विनोद अग्रवाल ने जमीन का वन पट्टा ऑनलाइन करने के लिए 5 हजार और फौती नामांतरण के लिए 10 हजार की रिश्वत मांगी थी. मजबूर किसान ने पटवारी को रिश्वत देने के साथ-साथ टेबल के नीचे नोट गिनते हुए उसका वीडियो भी बना लिया. वीडियो वायरल होने के बाद पोड़ी उपरोड़ा एसडीएम मनोज कुमार बंजारे ने पटवारील विनोद अग्रवाल को निलंबित कर दिया है. 

नियद नेल्लानार 2.0 से बदलेगी बस्तर की तस्वीर, सुदूर इलाकों को 45 योजनाओं का सीधा लाभ

नियद नेल्लानार 2.0 बस्तर के सुदूर अंचलों में 31 व्यक्तिगत और 14 सामुदायिक योजनाओं का मिलेगा सीधा लाभ मुख्य सचिव विकासशील ने की समीक्षा रायपुर छत्तीसगढ़ सरकार की महत्वाकांक्षी नियद नेल्ला नार योजना 2.0 के माध्यम से माओवादी प्रभावित और सुदूर अंचलों के ग्रामीणों को मुख्यधारा से जोड़ने के लिए एक व्यापक अभियान शुरू होने जा रहा है। इस नई कार्ययोजना के तहत वामपंथ उग्रवाद से मुक्त हुए क्षेत्रों में जनकल्याणकारी योजनाओं का शत-प्रतिशत लाभ (संतृप्तिकरण) सुनिश्चित किया जाएगा।            आज मंत्रालय महानदी भवन में मुख्य सचिव विकासशील की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय बैठक संपन्न हुई, जिसमें नियद नेल्लानार 2.0, बस्तर मुन्ने और सुघ्घर छत्तीसगढ़ जैसी महत्वाकांक्षी योजनाओं की रणनीतियों पर विस्तार से चर्चा की गई। नियद नेल्लानार 1.0 की सफलता के बाद अगला कदम             बैठक में बताया गया कि योजना के पहले चरण (1.0) के तहत बीजापुर, सुकमा, दंतेवाड़ा, कांकेर और नारायणपुर जिले के सुरक्षा कैंपों के आसपास के गांवों में 25 हितग्राही मूलक और 14 सामुदायिक सुविधाएं पहुंचाई गई थीं। अब इसके दूसरे चरण (नियद नेल्ला नार 2.0) का दायरा बढ़ाते हुए 31 व्यक्तिगत हितग्राही मूलक योजनाएं, 14 सामुदायिक योजनाएं और 10 वांछित सेवाएं सीधे ग्रामीणों तक पहुंचाई जाएंगी। गांव-गांव पहुंचेंगी ये प्रमुख 31 व्यक्तिगत योजनाएं           इस विशेष अभियान के तहत हर पात्र ग्रामीण का डेटा तैयार कर उन्हें योजनाओं से सीधे जोड़ा जाएगा। मनरेगा जॉब कार्ड, वृद्धावस्था पेंशन, विधवा पेंशन और दिव्यांगता पेंशन। प्रधानमंत्री आवास योजना, जल जीवन मिशन, राशन कार्ड और मुफ्त राशन वितरण योजना, आयुष्मान कार्ड, स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण), सक्षम आंगनबाड़ी और पोषण, जननी सुरक्षा योजना और मिशन इंद्रधनुष टीकाकरण, महिला एवं बाल विकास की प्रधानमंत्री मातृवंदन योजना और महतारी वंदन योजना से जोडा जाएगा। इसी प्रकार पीएम किसान सम्मान निधि, किसान क्रेडिट कार्ड (ज्ञब्ब्), मृदा स्वास्थ्य कार्ड और प्रधानमंत्री जनधन योजना, समग्र शिक्षा के तहत स्कूली बच्चों को निःशुल्क गणवेश व पाठ्यपुस्तकें और प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना, सभी पात्र हितग्राहियों के आधार कार्ड बनेंगे। श्रम कार्ड, वोटर आईडी, व्यक्तिगत वनाधिकार पत्र सहित जाति, जन्म, निवास, मृत्यु और ई-डब्ल्यूएस प्रमाण पत्र बनेंगे। 14 सामुदायिक सुविधाओं से सुदृढ़ होगा इंफ्रास्ट्रक्चर          सुदूर वनांचलों के विकास के लिए बुनियादी ढांचे को मजबूत करते हुए गांवों में ये 14 सामुदायिक सुविधाएं विकसित की जाएंगी। आंगनबाड़ी केंद्र, स्वास्थ्य सुविधाएं, उचित मूल्य की राशन दुकानें, सड़क व मोबाइल कनेक्टिविटी, डाकघर, वन धन विकास केंद्र, सामान्य सेवा केंद्र , पंचायत भवन, बैंक और ब्लॉक स्तर पर नए कॉलेजों की स्थापना की जाएगी।          इस सघन संतृप्तिकरण अभियान की रूपरेखा तय करने के लिए आयोजित इस बैठक मेंबैठक में पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की अपर मुख्य सचिव श्रीमती ऋचाा शर्मा, गृह एवं जेल विभाग की प्रमुख सचिव श्रीमती निहारिका बारिक सिंह, आदिम जाति विकास विभाग के प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा, स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव डॉ. कमलप्रीत सिंह, वित्त विभाग के सचिव डॉ. रोहित यादव, सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव अविनाश चम्पावत, लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के सचिव अमित कटारिया, सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव रजत कुमार, आवास एवं पर्यावरण विभाग के सचिव अंकित आनंद, पर्यटन एवं संस्कृति विभाग के सचिव डॉ. एस.भारतीदासन, राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग की सचिव श्रीमती शम्मी आबिदी, तकनीकी शिक्षा एवं कौशल विकास विभाग के सचिव बसवराजु एस., श्रम विभाग के सचिव हिमशिखर गुप्ता सहित अन्य विभागों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। बैठक के अंत में मुख्य सचिव ने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ तय समय-सीमा के भीतर इन योजनाओं को धरातल पर लागू करने के कड़े निर्देश दिए।

महिलाओं के लिए नौकरी का सुनहरा मौका! आंगनबाड़ी भर्ती के ऑनलाइन फॉर्म शुरू

दुर्ग. आंगनबाड़ी केन्द्रों में रिक्त पदों की पूर्ति के लिए महिला उम्मीदवारों से 2 जून तक ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता हेतु 1 और आंगनबाड़ी सहायिका के 3 रिक्त पदों पर भर्ती की जानी है। इसके तहत वार्ड क्रमांक 14 के अंतर्गत आने वाले आंगनबाड़ी केन्द्र गौरैया पारा सिकोला भाठा में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता का 1 पद रिक्त है। इसी प्रकार आंगनबाड़ी सहायिका के पदों के लिए वार्ड क्रमांक 47 के रायपुर नाका केन्द्र क्रमांक 1, वार्ड क्रमांक 11 के बुद्ध बिहार-ब (शंकर नगर पश्चिम) तथा वार्ड क्रमांक 57 के आजाद नगर-अ (उरला पश्चिम) आंगनबाड़ी केंद्र में आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। इन पदों के लिए आवेदन करने हेतु न्यूनतम शैक्षणिक योग्यता एवं अन्य आवश्यक शर्तें शासन द्वारा निर्धारित नियमों के अनुरूप होंगी।

नौकरी का मौका! स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालयों में होगी भर्ती, आवेदन प्रक्रिया शुरू

दुर्ग. जिले में संचालित स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम विद्यालयों में शिक्षकीय एवं गैर शिक्षकीय विभिन्न रिक्त पदों पर संविदा हेतु विज्ञापन जारी किया गया है। कलेक्टर दुर्ग की अनुमोदन से जिला शिक्षा अधिकारी/सचिव स्वा.आ.उ. अं.मा. विद्यालय संचालन एवं प्रबंधन समिति जिला-दुर्ग द्वारा 28 मई को यह विज्ञापन प्रसारित किया गया है। विद्यालयों में अंग्रेजी माध्यम के रिक्त पदों की पूर्ति हेतु इच्छुक आवेदकों से आवेदन ऑनलाइन लिंक पर जिसका अवलोकन जिले की वेबसाईट दुर्ग डाट जीओवी डाट इन पर भी किया जा सकता है। आवेदन 28 मई से 8 जून तक प्रेषित करना अनिवार्य होगा। संविदा हेतु आवेदन सीधे कार्यालय में (स्पीड पोस्ट / डाक/ अन्य किसी माध्यम) स्वीकार नहीं किए जाएंगे। निर्धारित तिथि के पश्चात् कोई भी आवेदन स्वीकार नहीं किया जावेगा। आवेदन ऑनलाईन माध्यम से वेबसाईट दुर्ग डाट जीओवी डाट इन में जाकर उक्त लिंक के माध्यम से भरा जा सकता है। रिक्त पदों में व्याख्याता, शिक्षक, सहायक शिक्षक, सहायक शिक्षक विज्ञान, कम्प्यूटर शिक्षक सहित अन्य पद शामिल है। जिला शिक्षा अधिकारी अरविंद मिश्रा से मिली जानकारी के अनुसार. सेजस उतई 5 पद, जामगांव आर 4, निकुम 6, बेल्हारी 5, पाटन 3, छावनी 2, सेक्टर 6 में 4, जंजगिरी 3, जामगांव एम 7, सेलूद 2, सेक्टर 9 में 7, अंडा 13, पुरैना 18, तिरगा 14, पाउवारा 18, कातरो 18, बालाजी नगर 1, अहिवारा 5, फरीद नगर 1, तमेर पारा धमधा 6, रानीतराई 6, मर्रा 5, अमलेश्वर 5, दीपक नगर 4, जामुल 7, खम्हरिया 1, कुम्हारी 7, भिलाई 3 में 1, नगपुरा 3, बोरसी 9, तितुरडीह 1, चरोदा 1, रिसाली 1, कुगदा 18, जेपी नगर 7, घुघवा क 4, अंजोरा ख में 3 रिक्त पद बताए गए हैं।

अब नहीं होगी पानी की फिजूलखर्ची, सार्वजनिक नलों की जांच के लिए चलेगा सर्वे अभियान

दुर्ग. महापौर अलका बाघमार एवं आयुक्त सुमित अग्रवाल द्वारा निगम क्षेत्र के वार्ड क्रमांक 21 से 30 तक के पार्षदों के साथ महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में वार्ड 21 से 30 वार्डवार विकास कार्यों, मूलभूत सुविधाओं तथा जनसमस्याओं को लेकर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई। महापौर अलका बाघमार ने कहा कि बेवजह बह रहे सार्वजनिक एवं अवैध रूप से नल कनेक्शनों का सर्वे कराया जाए तथा अनुपयोगी सार्वजनिक नलों को बंद कराने की कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि वर्तमान में लगभग सभी घरों में व्यक्तिगत नल कनेक्शन उपलब्ध हैं, ऐसे में सार्वजनिक नलों से पानी की अनावश्यक बर्बादी रोकना आवश्यक है। बैठक में सड़क निर्माण, पाइप लाइन विस्तार, पाइप लाइन लीकेज, नाली एवं पुलिया निर्माण / मरम्मत, पोल, विद्युत व्यवस्था, सुलभ शौचालयों की मरम्मत सहित विभिन्न जनसमस्याओं पर एक- एक कर समीक्षा की गई। पार्षदों ने अपने- अपने वार्डों की समस्याओं एवं आवश्यकताओं को महापौर और आयुक्त के समक्ष रखते हुए त्वरित निराकरण की मांग की। महापौर ने कहा कि निगम द्वारा पाइप लाइन सुधार एवं जल आपूर्ति व्यवस्था को मजबूत करने लगातार कार्य किया जा रहा है, जिसका सकारात्मक परिणाम अब दिखाई देने लगा है। उन्होंने स्टेशन रोड दीपक नगर सड़क सीमा क्षेत्र अंतर्गत नाली के ऊपर बने अवैध रूप से अतिक्रमण को कार्रवाही कर हटवाने की बात कही।

टूरिज्म हब बनने की राह पर छत्तीसगढ़, बड़े निवेश से होटल और पर्यटन उद्योग को मिलेगा बूस्ट

रायपुर   मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ अब देश के पर्यटन मानचित्र पर अपनी नई पहचान गढ़ने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। पर्यटन को उद्योग का दर्जा मिलने, निवेश अनुकूल नीतियों और राज्य सरकार की दृढ़ इच्छाशक्ति के कारण प्रदेश में पर्यटन एवं हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश की संभावनाएं लगातार मजबूत हो रही हैं। इसी कड़ी में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज अपने निवास कार्यालय में पर्यटन को बढ़ावा देने, पर्यटक सुविधाओं के विकास एवं विस्तार तथा हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश को लेकर आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में शामिल हुए। बैठक में देश की प्रतिष्ठित इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड के प्रतिनिधियों सहित शासन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय ने बैठक में कहा कि छत्तीसगढ़ उत्तर से दक्षिण तक नैसर्गिक विरासत की अमूल्य धरा है, जहां नदियां, पहाड़, घने जंगल, जलप्रपात, समृद्ध आदिवासी संस्कृति और जनजातीय परंपराएं छत्तीसगढ़ को विशिष्ट पहचान प्रदान करती हैं। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य दुनिया को छत्तीसगढ़ की वास्तविक सुंदरता, सांस्कृतिक समृद्धि और प्राकृतिक विविधता से परिचित कराना है। उन्होंने कहा कि पर्यटन को उद्योग का दर्जा दिए जाने से हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश की संभावनाएं तेजी से बढ़ी हैं और पर्यटकों के लिए बेहतर ठहराव, परिवहन तथा आधुनिक सुविधाओं के विकास के माध्यम से छत्तीसगढ़ को आकर्षक पर्यटन गंतव्य बनाया जा सकता है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि राज्य में लगातार निवेश प्रस्ताव प्राप्त हो रहे हैं और इसी क्रम में इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड द्वारा छत्तीसगढ़ में निवेश की इच्छा जताई गई है, जो प्रदेश के पर्यटन क्षेत्र के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण साबित होगी। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के निवेश से पर्यटन अधोसंरचना मजबूत होगी और स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार एवं स्वरोजगार के नए अवसर निर्मित होंगे। बैठक के दौरान इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड के प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के समक्ष अपने निवेश प्रस्ताव के महत्वपूर्ण बिंदु साझा किए और बताया कि कंपनी छत्तीसगढ़ में हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में लगभग 500 करोड़ रुपये से अधिक निवेश की योजना पर कार्य कर रही है, जिसे शीघ्र आगे बढ़ाया जाएगा। कंपनी के प्रतिनिधियों ने कहा कि इस निवेश से प्रदेश में पर्यटन अधोसंरचना मजबूत होगी और रोजगार के नए अवसरों का सृजन होगा। वित्त मंत्री ओ पी चौधरी ने कहा कि राज्य सरकार ने निवेश के लिए अनुकूल वातावरण तैयार किया है तथा सभी आवश्यक अनुमतियों की प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी और समयबद्ध बनाया गया है। बैठक में यह भी बताया गया कि  पर्यटन को उद्योग का दर्जा मिलने के बाद हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश के रास्ते व्यापक रूप से खुले हैं। राज्य सरकार पर्यटन क्षेत्र को आधुनिक अधोसंरचना, उच्चस्तरीय सुविधाओं और निवेश प्रोत्साहन नीतियों के माध्यम से विकसित करने की दिशा में विशेष पहल कर रही है। प्रदेश की बेहतर मानसूनी परिस्थितियां, समृद्ध प्राकृतिक संपदा और निवेश अनुकूल नीति पर्यटन विकास के लिए मजबूत आधार तैयार कर रही हैं। बैठक में उद्योग विभाग के अधिकारियों ने निवेश प्रोत्साहन नीति तथा उपलब्ध इंसेंटिव्स की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि यदि कोई निवेशक 500 करोड़ रुपये से अधिक निवेश करता है अथवा 1000 से अधिक लोगों को रोजगार उपलब्ध कराता है, तो उसे ‘बी-स्पोक पॉलिसी’ के तहत अतिरिक्त प्रोत्साहन एवं विशेष लाभ प्रदान किए जाएंगे। साथ ही पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए आधारभूत संरचना, सड़क संपर्क, आवासीय सुविधाओं तथा पर्यटक सेवाओं को मजबूत करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।  बैठक में छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल के अध्यक्ष नीलू शर्मा, मुख्य सचिव विकास शील, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह, वित्त सचिव डॉ. रोहित यादव, निवेश आयुक्त ऋतु सेन, मुख्यमंत्री के सचिव राहुल भगत, उद्योग सचिव रजत कुमार, पर्यटन विभाग सचिव डॉ. एस. भारतीदासन सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारीगण उपस्थित थे।

वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी बोले- शिक्षा, संगठन और संस्कार समाज विकास की सबसे बड़ी ताकत

शिक्षा, संगठन और संस्कार से ही समाज की प्रगति संभव: वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी ​जांजगीर-चांपा के कापन और बलौदा में सामाजिक कार्यक्रमों में शामिल हुए वित्त मंत्री ​अघरिया और स्वर्णकार समाज के सामुदायिक भवनों का लोकार्पण ​10वीं और 12वीं के मेधावी छात्र-छात्राओं को किया सम्मानित ​रायपुर छत्तीसगढ़ के वित्त मंत्री एवं जांजगीर-चांपा जिले के प्रभारी मंत्री ओ.पी. चौधरी आज जांजगीर-चाम्पा जिले के कापन और नगर पंचायत बलौदा में आयोजित सामाजिक कार्यक्रमों में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने कापन में अखिल भारतीय अघरिया समाज के क्षेत्रीय सभा सह सामुदायिक भवन का उद्घाटन किया। वहीं, बलौदा के जंगलवा डबरी में स्वर्णकार समाज के 'स्वर्ण मंडपम' सामुदायिक भवन का लोकार्पण किया। ​शिक्षा और संस्कारों से सशक्त बनेगी नई पीढ़ी         कापन में आयोजित कार्यक्रम के दौरान वित्त मंत्री चौधरी ने कक्षा 10वीं और 12वीं की परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित कर उनका उत्साह बढ़ाया। इस अवसर पर उन्होंने कहा, "शिक्षा समाज की प्रगति का सबसे सशक्त माध्यम है। नई पीढ़ी को बेहतर शिक्षा, संस्कार और अवसर उपलब्ध कराकर ही समाज को आगे बढ़ाया जा सकता है।" ​उन्होंने आगे कहा कि ऐसे आयोजन समाज में एकजुटता, सकारात्मक सोच और सामुदायिक भावना को मजबूत करते हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश निरंतर विकास की दिशा में आगे बढ़ रहा है और समाज के प्रत्येक वर्ग के लिए जनकल्याणकारी योजनाएं चलाई जा रही हैं। एकजुटता ही समाज की वास्तविक शक्ति          कार्यक्रम को संबोधित करते हुए छत्तीसगढ़ खनिज विकास निगम के अध्यक्ष सौरभ सिंह ने कहा कि अघरिया समाज शिक्षा, कृषि और सामाजिक विकास के क्षेत्र में हमेशा अग्रणी रहा है। किसी भी समाज की वास्तविक शक्ति उसकी एकजुटता में ही निहित होती है। वहीं, पूर्व संसदीय सचिव अंबेश जांगड़े ने कहा कि यह नवनिर्मित भवन सामाजिक और सांस्कृतिक गतिविधियों के संचालन के लिए एक सशक्त मंच साबित होगा। ​बलौदा में 'स्वर्ण मंडपम' का लोकार्पण             नगर पंचायत बलौदा में आयोजित स्वर्ण मंडपम सामुदायिक भवन के लोकार्पण समारोह में वित्त मंत्री ने स्वर्णकार समाज द्वारा सामाजिक विकास के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों की सराहना की। इस अवसर पर सांसद श्रीमती कमलेश जांगड़े, पूर्व सांसद श्रीमती कमला देवी पाटले, पूर्व विधायक चुन्नीलाल साहू सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, समाज के पदाधिकारी और स्थानीय नागरिक उपस्थित थे।

‘हर गरीब को पक्का घर’ के संकल्प को साकार करने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में तेजी से बढ़ रहा काम : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

रायपुर  मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय ने प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण (PMAY-G) के अंतर्गत छत्तीसगढ़ सहित 12 राज्यों को ₹10,021 करोड़ से अधिक की मदर सैंक्शन जारी किए जाने का स्वागत करते हुए इसे गरीब कल्याण, सम्मानजनक जीवन और अंत्योदय के संकल्प को नई मजबूती देने वाला महत्वपूर्ण निर्णय बताया है।  मुख्यमंत्री  साय ने कहा कि प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ‘हर गरीब को पक्का घर’ का संकल्प तेजी से धरातल पर साकार हो रहा है और यह निर्णय ग्रामीण गरीब परिवारों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने वाला सिद्ध होगा। मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण केवल आवास निर्माण की योजना नहीं है, बल्कि यह गरीब परिवारों के जीवन में सम्मान, सुरक्षा और आत्मविश्वास का नया आधार निर्मित करने वाली परिवर्तनकारी पहल है। पक्का घर किसी भी परिवार के लिए केवल एक छत नहीं, बल्कि सुरक्षित भविष्य, बेहतर जीवन और सामाजिक गरिमा का मजबूत आधार होता है। उन्होंने कहा कि इस वित्तीय सहायता से छत्तीसगढ़ के हजारों ग्रामीण परिवारों के ‘पक्के घर के सपने’ को नई गति मिलेगी और पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ समयबद्ध तरीके से उपलब्ध कराया जा सकेगा। मुख्यमंत्री  साय ने कहा कि प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में राज्य सरकार गांव, गरीब और वंचित परिवारों के जीवन में सम्मान, सुरक्षा और विश्वास का नया अध्याय लिखने के लिए प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि हमारी डबल इंजन सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए निरंतर प्रयासरत है कि प्रदेश का कोई भी पात्र परिवार आवास जैसी मूलभूत सुविधा से वंचित न रहे तथा अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पारदर्शिता और संवेदनशीलता के साथ पहुंचे। मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय ने छत्तीसगढ़ को इस महत्वपूर्ण पहल में शामिल किए जाने पर प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी एवं केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री  शिवराज सिंह चौहान के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के समन्वित प्रयासों से प्रदेश में गरीब परिवारों के जीवन में स्थायी बदलाव लाने का कार्य और अधिक गति से आगे बढ़ेगा।

माहवारी स्वच्छता को लेकर बीजापुर में जागरूकता अभियान तेज

रायपुर बीजापुर में रेड डॉट अभियान ने पकड़ी रफ्तार- गांव-गांव तक पहुँच रहा माहवारी स्वच्छता का संदेश चुप्पी तोड़ो, खुलकर बोलो 28 मई माहवारी स्वच्छता दिवस के अवसर पर महिला एवं बाल विकास विभाग, जिला बीजापुर द्वारा चलाए जा रहे रेड डॉट अभियान ने पूरे जिले में जन-आंदोलन का रूप ले लिया है। गाँव की चौपाल से लेकर गारमेंट फैक्ट्री तक, हर जगह माहवारी को लेकर व्याप्त शर्म और मिथकों को तोड़ने का काम जोरों पर है। गाँव-गाँव में आंगनबाड़ी बनी जागरूकता का केंद्र            जिले के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों को अभियान का मुख्य केंद्र बनाया गया है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिकाओं द्वारा किशोरी बालिकाओं व महिलाओं के साथ माहवारी स्वच्छता प्रबंधन सत्र आयोजित किए जा रहे हैं। इन सत्रों में सेनेटरी पैड के सही उपयोग, साफ-सफाई और पुरानी मान्यताओं पर खुलकर चर्चा हो रही है। बीजादूतीर स्वयंसेवक और मितानिन निभा रहीं अहम भूमिका           बीजादूतीर स्वयंसेवकों की टोलियां गाँव-गाँव जाकर किशोरियों और महिलाओं से सीधा संवाद कर रही हैं। वहीं मितानिन दीदियां घर-घर जाकर महिलाओं को व्यक्तिगत स्वच्छता और रेड डॉट अभियान के महत्व से जोड़ रही हैं। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता मितानिनों ने हथेली पर लाल बिंदी लगाकर माहवारी शर्म नहीं, सम्मान है का संदेश दिया। भारतीय रेड क्रॉस सोसायटी भी अभियान में शामिल           भारतीय रेड क्रॉस सोसायटी, जिला शाखा बीजापुर के जिला रेड क्रॉस अधिकारी नरवेद सिंह ने भी रेड डॉट अभियान में सक्रिय सहभागिता निभाई। रेड क्रॉस के सदस्यों ने किशोरियों के बीच जाकर माहवारी स्वच्छता पर जागरूकता सत्र लिए और हाइजीन किट वितरण में सहयोग किया। रेड क्रॉस के सदस्यों ने भी हथेली पर रेड डॉट लगाकर स्वास्थ्य ही सेवा है के संकल्प को दोहराया। सुशासन शिविर में भी गूंजा रेड डॉट का संदेश         जिले में चल रहे सुशासन शिविरो को भी इस अभियान से जोड़ा गया है। शिविरों में आने वाले ग्रामीणों, विशेषकर पुरुषों को भी माहवारी स्वच्छता के प्रति संवेदनशील बनाया जा रहा है। अधिकारियों- कर्मचारियों ने सामूहिक रूप से हथेली पर रेड डॉट लगाकर ष्चुप्पी नहीं, अब बात होगीष् का संकल्प लिया। गारमेंट फैक्ट्री की महिलाओं को मिली हाइजीन किट की सौगात          महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक और कदम बढ़ाते हुए बीजापुर की गारमेंट फैक्ट्री में कार्यरत सैकड़ों महिला श्रमिकों को महिला बाल विकास व जिला रेड क्रॉस सोसायटी के संयुक्त तत्वाधान मे माहवारी स्वच्छता किट का वितरण किया गया। किट में सेनेटरी पैड, साबुन शामिल थी।  विभाग का संकल्प हर बेटी तक पहुँचे सम्मान         महिला एवं बाल विकास की जिला कार्यक्रम अधिकारी ने बताया कि रेड डॉट सिर्फ एक निशान नहीं, बल्कि सोच बदलने का प्रतीक है। जिले में आंगनबाड़ी, मितानिन, बीजादूतीर, रेड क्रॉस और सुशासन तिहार जैसे सभी माध्यमों से हम ये संदेश घर-घर पहुँचा रहे हैं। हमारा लक्ष्य है कि कोई भी किशोरी माहवारी के कारण स्कूल न छोड़े और हर महिला को सम्मान मिले। अभियान की मुख्य झलकियाँ   – जागरूकता की चौशक्तिः आंगनबाड़ी + मितानिन + बीजादूतीर स्वयंसेवक + रेड क्रॉस   – समग्र भागीदारीः किशोरी, महिला, पुरुष और विभागीय अमला एक साथ   – कार्यस्थल पर पहलः गारमेंट फैक्ट्री में हाइजीन किट वितरण   नारा जो बना पहचानः- माहवारी पर बात होगी खुलकर, तभी बेटियाँ बढ़ेंगी आगे बढ़कर यह अभियान बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ और पोषण अभियान के उद्देश्यों को मजबूती देते हुए बीजापुर को पीरियड फ्रेंडली जिला बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।

वन मंत्री केदार कश्यप ने किए मां दंतेश्वरी के दर्शन, प्रदेश की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की

रायपुर वन मंत्री  केदार कश्यप ने किए मां दंतेश्वरी के दर्शन, प्रदेश की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की वन मंत्री  केदार कश्यप ने आज दंतेवाड़ा प्रवास के दौरान शक्तिपीठ प्रसिद्ध मां दंतेश्वरी मंदिर पहुंचकर विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। उन्होंने मां दंतेश्वरी के चरणों में शीश नवाकर समस्त प्रदेशवासियों के जीवन में सुख-समृद्धि, शांति और उन्नति की कामना की। वन मंत्री  कश्यप की गरिमामयी उपस्थिति के दौरान पूरा मंदिर परिसर श्रद्धा, भक्ति और जयकारों के अनूठे माहौल से सराबोर रहा। उन्होंने छत्तीसगढ़ की निरंतर प्रगति, जनकल्याण और राज्य के उज्ज्वल भविष्य के लिए आदि-शक्ति मां दंतेश्वरी से विशेष आशीर्वाद मांगा। वन मंत्री  केदार कश्यप ने कहा कि मां दंतेश्वरी की असीम कृपा से छत्तीसगढ़ निरंतर विकास के पथ पर अग्रसर है। मुझे पूर्ण विश्वास है कि मां का वात्सल्य और आशीर्वाद प्रदेश की जनता पर सदैव बना रहेगा, जिससे हमारा राज्य खुशहाली, समरसता और समृद्धि के नए आयाम स्थापित करेगा। इस पावन अवसर पर मंदिर में उपस्थित बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भी मां दंतेश्वरी के जयकारे लगाकर पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। सभी नागरिकों ने एक स्वर में प्रदेश में अमन-चौन, विकास और खुशहाली की मंगल कामना की।