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चंडीगढ़ और धनबाद के बीच समर स्पेशल ट्रेन का नया शेड्यूल, 1431 किमी का सफर अब होगा और भी आसान

चंडीगढ़ गर्मी के मौसम में यात्रियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए अंबाला मंडल ने समर स्पेशल ट्रेनों के फेरे बढ़ाने का फैसला किया है। इससे बिहार, उत्तर प्रदेश और झारखंड जाने वाले यात्रियों को बड़ी राहत मिलेगी। रेलवे के अनुसार, चंडीगढ़ से पटना के बीच चलने वाली गाड़ी।  गाड़ी संख्या 04511 चंडीगढ़ से हर वीरवार रात 11:35 बजे रवाना होकर अगले दिन रात 9:15 बजे पटना पहुंचेगी। वापसी में गाड़ी संख्या 04512 पटना से हर शुक्रवार रात 11:15 बजे चलेगी और अगले दिन रात 9:40 बजे चंडीगढ़ पहुंचेगी। यह ट्रेन अंबाला कैंट, सहारनपुर, रुड़की, मुरादाबाद, बरेली, सीतापुर, गोंडा, बस्ती, गोरखपुर, सिवान, छपरा और हाजीपुर होते हुए पटना जाएगी। इसका संचालन 10 जुलाई तक रहेगा। धनबाद-चंडीगढ़ स्पेशल भी जारी ट्रेन संख्या 03311 धनबाद से चंडीगढ़ के लिए 3 अप्रैल से 14 जुलाई तक हर मंगलवार और शुक्रवार को रात 11:50 बजे चलेगी और तीसरे दिन सुबह 4:30 बजे चंडीगढ़ पहुंचेगी। वापसी में गाड़ी संख्या 03312 चंडीगढ़ से 5 अप्रैल से 16 जुलाई तक रविवार और गुरुवार को सुबह 6 बजे रवाना होकर अगले दिन सुबह 9 बजे धनबाद पहुंचेगी। यह ट्रेन करीब 1431 किलोमीटर की दूरी 28 घंटे 40 मिनट में तय करेगी। अंबाला-मऊ स्पेशल का शेड्यूल गाड़ी संख्या 05302 अंबाला से हर शुक्रवार रात 1:40 बजे चलेगी और अगले दिन रात 11 बजे मऊ पहुंचेगी। वहीं, गाड़ी संख्या 05301 मऊ से हर वीरवार सुबह 4 बजे चलकर अगले दिन रात 12:30 बजे अंबाला पहुंचेगी। यह ट्रेन देवरिया, गोरखपुर, बस्ती, गोंडा, सीतापुर, बरेली, मुरादाबाद, गाजियाबाद, दिल्ली, सोनीपत, पानीपत और कुरुक्षेत्र होते हुए चलेगी। इसका संचालन 17 जुलाई तक रहेगा। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए फेरे बढ़ाए रेलवे अधिकारियों का कहना है कि यात्रियों की सुविधा और भीड़ को नियंत्रित करने के लिए इन ट्रेनों के फेरे बढ़ाए गए हैं, जिससे सफर और भी आसान होगा।

तेज हवाओं ने बढ़ाई मुश्किलें: लुधियाना में सड़क पर गिरा शेड, बिजली सप्लाई प्रभावित

लुधियाना. रविवार को शहर में तेज बारिश और तेज हवाओं के बीच एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। फिरोजपुर रोड स्थित वेव मॉल के पास सड़क किनारे लगा एक भारी शेड अचानक गिरकर सड़क पर आ गया, जिससे सड़क का एक हिस्सा पूरी तरह बंद हो गया। जानकारी के अनुसार, सुबह मौसम बेहद खराब था और तेज हवाओं के चलते यह शेड अपनी जगह से उखड़ गया। घटना के समय आसपास आवाजाही भी थी, लेकिन गनीमत रही कि कोई व्यक्ति इसकी चपेट में नहीं आया और कोई जानी नुकसान नहीं हुआ। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि शेड गिरते ही इलाके में हलचल मच गई। खास बात यह रही कि गिरा हुआ ढांचा बिजली की तारों के ऊपर भी जा गिरा, जिससे स्थिति और भी जोखिम भरी हो गई थी। शेड के सड़क पर गिरने के कारण उस हिस्से से आवाजाही पूरी तरह रुक गई है और लोगों को वैकल्पिक रास्तों का सहारा लेना पड़ रहा है। फिलहाल मौके पर शेड हटाने और रास्ता साफ करने के प्रयास जारी हैं, ताकि जल्द से जल्द स्थिति सामान्य की जा सके।

गंभीर मामलों का फरार आरोपी दबोचा: पंजाब पुलिस ने हथियारों सहित किया गिरफ्तार

गुरदासपुर. गुरदासपुर पुलिस द्वारा समाज विरोधी तत्वों और नशा तस्करों के खिलाफ चलाई जा रही मुहिम के तहत बड़ी सफलता हासिल की गई है। यह कार्रवाई एसएसपी आदित्य (आईपीएस) के नेतृत्व में की गई है। पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए वांछित आरोपी हथियारों सहित काबू किया है। इस संबंध में जानकारी देते हुए एसपी डी.के. चौधरी ने बताया कि पुलिस ने 2 अलग-अलग स्थानों से 2 पिस्तौल, 2 मैगजीन, 2 जिंदा कारतूस और 2 मिस कारतूस बरामद किए हैं। इस दौरान गंभीर मामलों में वांछित एक आरोपी को भी गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने बताया कि थाना घुम्मण कलां की पुलिस ने गश्त के दौरान शक के आधार पर एक युवक को रोककर उसकी तलाशी ली। उसकी पहचान आशु उर्फ विसाखी निवासी घुम्मण के रूप में हुई। तलाशी के दौरान उसके पास से एक पिस्तौल, 2 जिंदा कारतूस और 2 मिस कारतूस बरामद हुए। एसपी ने आगे बताया कि आरोपी के खिलाफ संबंधित थाने में मामला दर्ज किया गया है और जांच के दौरान सामने आया है कि उसके खिलाफ पहले भी मारपीट, चोरी और आबकारी एक्ट के तहत 3 मुकदमे दर्ज हैं, जिनमें वह वांछित था। इसी तरह थाना बहिरामपुर पुलिस ने खेतों से एक संदिग्ध पैकेट बरामद किया, जिसमें एक पिस्तौल और एक खाली मैगजीन मिली। इस संबंध में अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।

हथियार तस्करी पर करारा प्रहार: अमृतसर पुलिस ने इंटरनेशनल गैंग का भंडाफोड़ किया

अमृतसर. अमृतसर में कमिश्नरेट पुलिस को एक बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। पुलिस ने अंतरराष्ट्रीय हथियार तस्करी के एक मॉड्यूल का भंडाफोड़ करते हुए 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इनके कब्जे से 7 अत्याधुनिक पिस्तौल भी बरामद की हैं, जिनमें 2 ग्लॉक 9mm पिस्तौल (ऑस्ट्रिया निर्मित), 4 .30 बोर पिस्तौल (चीन निर्मित) और 1 अन्य .30 बोर पिस्तौल शामिल है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि गिरफ्तार आरोपी पाकिस्तान में बैठे तस्करों के संपर्क में थे और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के जरिए उनसे जुड़े हुए थे। ये आरोपी अवैध हथियारों की खेप मंगवाकर पंजाब में आपराधिक तत्वों तक पहुंचाने का काम कर रहे थे। इससे यह साफ होता है कि यह नेटवर्क काफी संगठित और सुनियोजित तरीके से काम कर रहा था। पुलिस ने इस मामले में थाना कैंटोनमेंट, अमृतसर में आर्म्स एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज कर ली है। अधिकारियों के मुताबिक अब इस पूरे नेटवर्क के आगे और पीछे के लिंक को खंगालने के लिए जांच तेज कर दी गई है, ताकि इसमें शामिल अन्य लोगों की पहचान कर उन्हें भी गिरफ्तार किया जा सके। पंजाब पुलिस ने स्पष्ट किया है कि अवैध हथियारों, सीमा पार तस्करी और संगठित अपराध के खिलाफ उनकी “जीरो टॉलरेंस” नीति जारी रहेगी। पुलिस का कहना है कि ऐसे नेटवर्क को जड़ से खत्म करने के लिए लगातार सख्त कार्रवाई की जाएगी, ताकि प्रदेश में कानून-व्यवस्था को मजबूत बनाया जा सके।

री-अपीयर स्टूडेंट्स के लिए खुशखबरी: PSEB ने बढ़ाई तारीख, अब 8 मई तक फ्री आवेदन

चंडीगढ़. पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड के विद्यार्थियों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। जानकारी के अनुसार आठवीं परीक्षा फरवरी 2026 में जिन विद्यार्थियों के नतीजे री-अपीयर घोषित किए गए थे उन्हें बोर्ड द्वारा राहत दी गई है। इन विद्यार्थियों के लिए जून 2026 में फिर परीक्षा करवाने का फैसला लिया गया है। इस संबंध में बोर्ड ने पत्र जारी कर री-अपीयर वाले विद्यार्थियों के लिए परीक्षा फॉर्म और फीस जमा करवाने का शेड्यूल जारी किया है। ये प्रक्रिया ऑनलाइन माध्यम से पूरी की जाएगी। जारी शेड्यूल के अनुसार 8 मई 2026 तक विद्यार्थी बिना किसी लेट फीस के आवेदन कर सकेंगे। इसके बाद 15 मई तक 500 रूपए लेट फीस और 22 मई तक 1500 रूपए लेट फीस के साथ आवेदन किया जा सकता हैं। बोर्ड ने यह भी स्पष्ट किया है कि तय तारीख के बाद किसी भी प्रकार का आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा।

महंगाई का नया झटका: कमर्शियल LPG के दाम बढ़े, होटल-रेस्टोरेंट पर पड़ेगा असर

अमृतसर. कमर्शियल एल.पी.जी. गैस सिलेंडरों की लगातार बढ़ती कीमतों ने होटल और रेस्टोरेंट इंडस्ट्री को एक बार फिर बड़े संकट में डाल दिया है। पहले ही गैस सिलेंडरों की कमी के कारण ब्लैक में महंगे दामों पर सिलेंडर खरीदने को मजबूर कारोबारियों को अब सरकारी रेट में हुए इजाफे ने दोहरा झटका दिया है। इस समय एल.पी.जी. गैस सिलेंडर कमर्शियल की कीमत 3178 रुपए हो गया है, एकदम से 993 रुपए बढ़ने से इंडस्ट्री में भूचाल आ गया है। बढ़ती लागत के चलते होटल और रेस्टोरेंट कारोबारियों की आर्थिक स्थिति लगातार कमजोर होती जा रही है। होटल और रेस्टोरेंट इंडस्ट्री को रोजगार का एक बड़ा स्रोत माना जाता है, जिससे हजारों परिवारों की आजीविका जुड़ी हुई है। लेकिन गैस सिलेंडरों की कीमतों में लगातार हो रही बढ़ौतरी ने इस उद्योग पर भारी दबाव बना दिया है। कारोबारियों का कहना है कि रोजाना इस्तेमाल होने वाले कमर्शियल सिलेंडरों की लागत कई गुना बढ़ गई है, जबकि ग्राहकों की संख्या और आमदनी में उस हिसाब से बढौतरी नहीं हो रही। ऐसे में मुनाफा लगातार घटता जा रहा है और कारोबार चलाना मुश्किल होता जा रहा है। पिछले कुछ समय से कई इलाकों में कमर्शियल गैस सिलेंडरों की शॉर्टेज भी देखने को मिली थी। इस कमी के चलते कई होटल और रेस्टोरेंट संचालकों को अपना काम जारी रखने के लिए ब्लैक में ऊंचे दामों पर सिलेंडर खरीदने पड़े। कई बार तो सरकारी रेट से सैंकड़ों रुपए ज्यादा देकर सिलेंडर लेने पड़े ताकि कारोबार बंद न हो। अब जब सरकारी स्तर पर ही कीमतों में बढ़ौतरी कर दी गई है, तो ब्लैक में सिलेंडर खरीदने वालों की परेशानियां और भी बढ़ गई हैं। होटल कारोबारी अनिल सूरी का कहना है कि यदि यही स्थिति जारी रही तो छोटे और मध्यम स्तर के होटल और रेस्टोरेंट बंद होने की कगार पर पहुंच सकते हैं। कई छोटे कारोबारी पहले से ही बढ़ते बिजली बिल, कर्मचारियों के खर्च और अन्य महंगाई से जूझ रहे हैं। ऐसे में गैस सिलेंडरों की बढ़ती कीमतों ने उनकी मुश्किलों को और बढ़ा दिया है।

50 लाख फिरौती मामले में गोल्डी बराड़ के पिता को जमानत, 30 जनवरी को हुई थी गिरफ्तारी

श्री मुक्तसर साहिब/चंडीगढ़. करीब एक साल पुराने फिरौती के एक मामले में श्री मुक्तसर साहिब पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए गैंगस्टर गोल्डी बराड़ के पिता शमशेर सिंह की जमानत अर्जी एडिशनल सेशन जज रमन कुमार की अदालत ने मंजूर कर ली है। उल्लेखनीय है कि श्री मुक्तसर साहिब के निकटवर्ती गांव उदेकरण के रहने वाले एक सरकारी शिक्षक से 50 लाख रुपये की फिरौती मांगने के संबंध में पुलिस ने तीन दिसंबर 2024 को अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ मामला दर्ज किया था। इसी मुकदमे की जांच के दौरान पुलिस ने गैंगस्टर गोल्डी बराड़ के पिता शमशेर सिंह (पूर्व एएसआई) को 24 जनवरी 2026 और उसकी माता प्रीतपाल कौर को 25 जनवरी 2026 को मामले में नामजद किया था। इसके बाद उन्हें अमृतसर से गिरफ्तार किया गया था। शमशेर सिंह के वकील बाबू सिंह सिद्धू ने जानकारी देते हुए बताया कि प्रीतपाल कौर की जमानत पहले ही मंजूर हो गई थी, जबकि शमशेर सिंह की जमानत याचिका अब अदालत द्वारा स्वीकार कर ली गई है।

सेना प्रमुख और रक्षा सचिव की सैलरी में कटौती, हाईकोर्ट का बड़ा फैसला रिटायर्ड मेजर की याचिका पर

चंडीगढ़  पंजाब और हरियाणा हाई कोर्ट ने एक रिटायर्ड मेजर की पेंशन के मामले में सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी और रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह पर ही 2 लाख रुपये का जुर्माना लगा दिया है। हाई कोर्ट ने कहा है कि यह रकम दोनों की सैलरी से काटकर याचिकाकर्ता को दी जाए। रिपोर्ट के मुताबिक सेवा के दौरान ही मेजर को 24 सर्जरी करवानी पड़ी थी। इसके अलावा उनकी किडनी डैमेज हो गई थीं। रिपोर्ट के मुताबिक पुणे के रहने वाले मेजर राजदीप दिनकर पांडेर (रिटायर्ड) साल 2012 में भारतीय सेना में कमीशन हुए थे। उस समय वह एकदम फिट थे। उन्हें लद्दाख में ऊंचाई वाले इलाके में पोस्टिंग दी गई। सेवा के पांच साल के बाद वह बुरी तरह बीमार हो गए। इसके बाद दिल्ली छावनी में उन्हें सिक लीव मेडिकल बोर्ट के सामने पेश किया गया। जांच में पता चला कि उन्हें 'सिस्टाइटिस सिस्टिका ग्लैंडुलरिस ' है। इसमें मत्रूशय में छोटी-छोटी गांठें बन जाती हैं। अकसर पेशाब में संक्रमण की वजह से यह होता है। इसके बदा मेजर पंडेर की सर्जरी हुई और उन्हें 'लो मेडिकल कैटिगरी' में डाल दिया गया। 2022 में उन्हें पंचकूला में चंडीमंदिर वेस्टर्न कमांड हॉस्पिटल की सिफारिश पर लो मेडिकल कैटिगरी में रखते हुए ही रिलीज कर दिया गया जबकि वह 15 फीसदी तक दिव्यांग हो गए थे। उन्होंने दिव्यांग पेंशन के लिए आवेदन किया जिसे खारिज कर दिया गया। चंडीमंदिर आर्म्ड फोर्सेज ट्राइब्यूनल ने माना कि मेडिकल बोर्ड की सिफारिश पर कई बार उनकी सर्जरी हुई और सेवा के दौरान ही वह दिव्यांग हुए थे। बेंच ने कहा, हमें समझ नहीं आता कि जब सेवा के दौरान ही वह 15 फीसदी तक दिव्यांग हो गए थे तब उनको रिलीज करते हुए यह क्यों कहा गया कि यह सैन्य सेवा के दौरान नहीं हुई है। ट्राइब्यूनल ने ही 2008 के एक फैसले में कहा था कि जब किसी की सीरम क्रिएटनिन 1,13 है तो उसे 40 फीसदी दिव्यांगता की श्रेणी में रखा जाए। इस हिसाब से उन्हें 40 से 50 फीसदी की दिव्यांगता श्रेणी में ऱखा जा सकता था। ट्राइब्यूनल के आदेश के खिलाफ 2025 में केंद्र सरकार ने हाई कोर्ट में याचिका फाइल की थी जिसे खारिज कर दिया गया था। मेजर पंडेर ने रक्षा सचिव राजेश कुमार और सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी के खिलाफ कंटेंप्ट पिटीशन फाइल करके कहा कि उन्होंने हाई कोर्ट और ट्राइब्यूनल के आदेश का पालन नहीं किया है। 30 अप्रैल को जस्टिस सुदीप्ति शर्मा ने कहा कि आखिरी सुनवाई के दौरान भी कोई जवाब नहीं दिया गया है इसलिए 2 लाख का जुर्माना लगाया जाएगा। यह रकम रक्षा सचिव और सेना प्रमुख की सैलरी से काटकर डिमांड ड्राफ्ट के जरिए याचिकाकर्ता को दी जाए।

रेल ट्रैक धमाके का मास्टरमाइंड गिरोह बेनकाब: आरोपी का सहयोगी पकड़ा, कई हमलों की गुत्थी सुलझी

पटियाला. पंजाब में हाल के समय में हुए तीन बड़े आतंकी घटनाक्रमों को लेकर पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। मोगा में जांच एजेंसी कार्यालय पर ग्रेनेड हमला, सरहिंद रेलवे ट्रैक विस्फोट और शंभू रेलवे ट्रैक धमाका- इन तीनों मामलों को पुलिस ने सुलझाने का दावा किया है। इस कार्रवाई में मुख्य आरोपी के सहयोगी गुरजिंदर सिंह उर्फ बाबा बेंत को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि यह कार्रवाई राज्य की विशेष संचालन इकाई, पठानकोट की खुफिया टीम और पटियाला पुलिस के संयुक्त अभियान के तहत की गई। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि गिरफ्तार आरोपी का संबंध मुख्य आरोपी जगरूप सिंह से था, जिसकी शंभू धमाके में मौत हुई थी। दोनों एक साथ मिलकर कर रहे थे काम जांच के दौरान यह खुलासा हुआ है कि गुरजिंदर और जगरूप लंबे समय से एक साथ काम कर रहे थे और शंभू घटना वाले दिन दोनों अलग-अलग रास्तों से राजपुरा पहुंचे थे, ताकि किसी को शक न हो। धमाके के समय गुरजिंदर मौके पर मौजूद था, लेकिन कुछ दूरी पर होने के कारण वह सुरक्षित बच निकला और बाद में फरार हो गया। पुलिस के अनुसार पूछताछ में यह भी सामने आया है कि तीनों घटनाएं एक ही गिरोह द्वारा अंजाम दी गई थीं और इन्हें विदेश में बैठे संचालकों के निर्देश पर अंजाम दिया गया। नेटवर्क के तार मलेशिया, अमेरिका और पाकिस्तान तक जुड़े होने की बात सामने आई है। आतंकी नेटवर्क तोड़ने में मिली सफलता इससे पहले पुलिस ने इस मामले में चार अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया था और उनके कब्जे से हथियार, विस्फोटक सामग्री और संचार उपकरण भी बरामद किए गए थे। बाद में जगरूप के भाई की निशानदेही पर और भी घातक हथियार बरामद किए गए। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह गिरफ्तारी प्रदेश में सक्रिय आतंकी नेटवर्क को तोड़ने की दिशा में बड़ा कदम है। उन्होंने बताया कि आगे की जांच जारी है और इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश की जा रही है। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि प्रदेश में शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए इस तरह की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी और किसी भी साजिश को सफल नहीं होने दिया जाएगा।

हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर में बड़ा कदम: चंडीगढ़ में 2000 करोड़ की लागत से बनेगा हाईटेक अस्पताल

चंडीगढ़. शहर में बढ़ती मरीजों की संख्या और अस्पतालों पर दबाव को कम करने के लिए केंद्र शासित प्रदेश प्रशासन ने 2,154 करोड़ रुपये की लागत से अत्याधुनिक क्षेत्रीय चिकित्सा केंद्र स्थापित करने की योजना को मंजूरी दी है। यह केंद्र ट्राइसिटी और आसपास के राज्यों के लोगों के लिए बड़ी राहत साबित होगा। केंद्र शासित प्रदेश प्रशासन ने सेक्टर-53 में 13.6 एकड़ भूमि पर बनने वाले क्षेत्रीय चिकित्सा केंद्र को स्वीकृति दे दी है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना को पंजाब के राज्यपाल एवं केंद्र शासित प्रदेश प्रशासक ने मंजूरी प्रदान की है तथा केंद्र सरकार से शीघ्र स्वीकृति देने का आग्रह किया है। करीब 2,154 करोड़ रुपये की लागत वाली इस योजना में 1,704 करोड़ रुपये भवन निर्माण और संबंधित सुविधाओं पर तथा 450 करोड़ रुपये अत्याधुनिक चिकित्सा उपकरणों पर खर्च किए जाएंगे। यह केंद्र 1000 बिस्तरों वाला होगा, जिसमें 500 बिस्तर महिला एवं बाल स्वास्थ्य सेवाओं के लिए तथा 500 बिस्तर उच्च स्तरीय विशिष्ट चिकित्सा और आपातकालीन उपचार के लिए निर्धारित होंगे। इस केंद्र में हृदय रोग, तंत्रिका रोग, पाचन तंत्र रोग, गुर्दा रोग सहित अनेक उन्नत चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। इसके साथ ही यह संस्थान उच्च स्तरीय चिकित्सा शिक्षा और अनुसंधान का प्रमुख केंद्र भी बनेगा। वर्तमान में शहर के सरकारी अस्पतालों में बिस्तरों की कमी के कारण मरीजों को लंबा इंतजार करना पड़ता है और कई बार एक ही बिस्तर पर एक से अधिक मरीजों को रखना पड़ता है। ऐसे में यह नया चिकित्सा केंद्र स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। यह परियोजना न केवल चंडीगढ़ बल्कि मोहाली, पंचकूला तथा पंजाब, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश के लोगों को भी बेहतर और सुलभ उपचार उपलब्ध कराएगी। इससे बड़े सरकारी अस्पतालों पर बढ़ते दबाव में कमी आने की संभावना है।