samacharsecretary.com

दिल्ली में मल्टीलेवल पार्किंग का नया रूप: वसंत विहार डिपो की योजना में बदलाव

नई दिल्ली दिल्ली में भाजपा की सरकार आने के बाद से प्रशासनिक स्तर पर भी बहुत से बदलाव देखे जा रहे हैं। आम आदमी पार्टी की सरकार के समय परियोजनाएं हरे पेड़ों के न हट पाने के कारण अधर में लटकी गई थीं। अब उन पेड़ों को हटाने की मंजूरी मिल गई है। वहीं डीडीए की मंजूरी न मिलने से वसंत विहार डिपाे में प्रस्तावित बहुस्तरीय पार्किंग के साथ शाॅपिंग काॅम्प्लेक्स बनाने की जो योजना रुक गई थी, अब उस योजना के शुरू होने की भी उम्मीद बढ़ गई है। दिल्ली सरकार ने डीटीसी से इस परियोजना का प्रस्ताव फिर तैयार कर डीडीए में मंजूरी के लिए भेजने को कहा है। माना जा रहा है मंजूरी मिलने के बाद इस पर काम शुरू हो सकेगा। पांच वर्षों से वसंत विहार बस डिपो में यह निर्माण शुरू होने का इंतजार है। बता दें कि दिल्ली परिवहन निगम (डीटीसी) ने पांच साल पहले अपनी आय बढ़ाने के लिए हरि नगर के साथ ही वसंत विहार डिपो में भी बहुस्तरीय पार्किंग के साथ शाॅपिंग काॅम्प्लेक्स बनाने की योजना बनाई थी। राष्ट्रीय भवन निर्माण निगम (एनबीसीसी) के साथ एमओयू साइन किया गया था। इस परियोजना के तहत सबसे पहले वसंत विहार डिपो में ही काम शुरू होना था। इस योजना पर काम शुरू होने में लगातार देरी होती गई। उस समय की सरकार को लगने लगा कि इस योजना पर काम ही शुरू नहीं हो पाएगा तो परेशान होकर आप सरकार ने याेजना में बदलाव कर दिया था और केवल बहुस्तरीय पार्किंग बनाने का फैसला किया गया था। इस परियोजना का आप सरकार के समय पिछले साल अगस्त में उपराज्यपाल वीके सक्सेना और तत्कालीन परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत ने शिलान्यास किया था। लेकिन उस सरकार को डीडीए से इसकी भी मंजूरी नहीं मिल पाई और काम शुरू नहीं हाे सका। यह डिपो करीब 6.21 एकड़ में है। इस डिपाे में सात मंजिला पार्किंग में 2.6 लाख वर्ग फुट से अधिक की बेसमेंट पार्किंग भी होंगी, यहां 690 से अधिक गाड़ियां खड़ी हो सकेंगी। अब यहां भी वाणिज्यिक स्थान उपलब्ध होगा। इस पार्किंग पर 409 करोड़ृ रुपये खर्च होने थे। मगर अब राशि बढ़ जाएगी। वसंत डिपो जिस स्थान पर बना है, वहां की जमीन डीडीए से लीज पर ली गई है। करार के अनुसार डिपो के अलावा अगर वहां पर अन्य कोई गतिविधि शुरू की जाती है तो इसके लिए जीडीए से अनापत्ति प्रमाण लेना आवश्यक है, इसके बाद ही कोई काम वहां पर किया जा सकता है। अन्यथा डीडीए को अधिकार है कि वह लीज निरस्त कर सकता है।  

मंत्री कुशवाहा बोले – वृद्धजनों के सशक्त और समावेशी भविष्य की दिशा में कार्य करेगी सरकार

अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर होंगे विविध कार्यक्रम भोपाल  सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन कल्याण मंत्री  नारायण सिंह कुशवाहा ने कहा कि इस वर्ष एक अक्टूबर, अन्तर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस "समावेशी भविष्य के लिए वृद्धजन की पहचान को सशक्त बनाना" विषय पर केन्द्रित रहेगा। एक अक्टूबर को प्रदेश के सभी जिला मुख्यालायों पर विशेष कार्यक्रम आयोजित किए जाएगे। इसका मुख्य उद्देश्य वरिष्ठ नागरिकों की समाज में सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करना और उन्हें समावेशी भविष्य के निर्माण में सशक्त पहचान दिलाना है। मंत्री  कुशवाहा ने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस के आयोजन से प्रदेश में वरिष्ठ नागरिकों के प्रति सम्मान और संवेदनशीलता की भावना को बढ़ावा मिलेगा, साथ ही समाज में उनके अनुभव और मार्गदर्शन की उपयोगिता को भी पुनः रेखांकित किया जाएगा। यह आयोजन प्रदेश की उस प्रतिबद्धता का प्रतीक है, जिसमें बुजुर्गों को समाज की धरोहर मानते हुए उन्हें सम्मान और सहयोग प्रदान करना सर्वोच्च प्राथमिकता है। प्रमुख सचिव सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन कल्याण मती सोनाली वायगणकर ने बताया कि कार्यक्रम की थीम “समावेशी भविष्य के लिए वृद्धजन की पहचान को सशक्त बनाना” निर्धारित की गई है। जिला स्तर पर वरिष्ठ नागरिकों के लिए सांस्कृतिक कार्यक्रम, संवाद-सत्र एवं जनजागरूकता गतिविधियां होंगी। इन आयोजनों का मुख्य फोकस यह रहेगा कि वृद्धजन केवल परिवार और समाज के अनुभव का आधार ही नहीं, बल्कि सक्रिय भागीदारी के माध्यम से समाज के विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकें। जिलास्तर पर शतायु सम्मान विशेष आकर्षण के रूप में प्रत्येक जिले में ‘शतायु सम्मान’ का आयोजन किया जाएगा, जिसमें 100 वर्ष या उससे अधिक आयु पूर्ण कर चुके वृद्धजनों को सार्वजनिक रूप से सम्मानित किया जाएगा। इस पहल से राज्य सरकार का उद्देश्य बुजुर्गों के प्रति सम्मान और संवेदनशीलता का संदेश देना है। सभी जिला कलेक्टर और विभाग के जिला अधिकारियों को इस संबंध में निर्देश जारी किए हैं। कार्यक्रमों का स्वरूप स्थानीय परिस्थितियों और संसाधनों के अनुरूप होंगे और प्रत्येक जिले में अधिक से अधिक वरिष्ठ नागरिकों की सहभागिता सुनिश्चित की जाएगी।  

सफलता की कहानी: किशोरी अमृत सरोवर बना खुशहाली का स्रोत

20 साल पुराने तालाब का कायाकल्प,  सिंचाई और मछलीपालन से बदल रही है ग्रामीणों की जिंदगी रायपुर कोरिया जिले के सोनहत जनपद पंचायत क्षेत्र के ग्राम किशोरी में मिशन अमृत सरोवर के तहत नवीनीकृत हुआ तालाब आज ग्रामीण जीवन को नई दिशा दे रहा है। कभी अनुपयोगी हो चुका यह तालाब अब ग्रामीणों के लिए दैनिक निस्तार, पशुओं के पेयजल, खेती-बाड़ी और आजीविका संवर्धन का महत्वपूर्ण साधन बन चुका है। 20 साल पुराने तालाब का कायाकल्प ग्राम पंचायत किशोरी में लगभग 20 वर्ष पुराना तालाब लंबे समय तक उपेक्षा के कारण अनुपयोगी हो गया था। वित्तीय वर्ष 2022- 23 में पंचायत के प्रस्ताव पर इसे मिशन अमृत सरोवर के तहत पुनर्जीवित किया गया। करीब 10 लाख रुपये की लागत से तालाब का जीर्णाेद्धार कर इसकी जलभराव क्षमता को तीन गुना बढ़ाकर 10 हजार घनमीटर कर दिया गया। 18 एकड़ खेतों में पहुंचा पानी तालाब के पुनरुद्धार से आसपास के किसानों को सीधा लाभ मिल रहा है। किसान मनोज रक्सेल और अरविन्द सिंह की तीन-तीन एकड़, जबकि सुरेन्द्र, लक्ष्मण, वीरेन्द्र और आनंद की दो-दो एकड़ से ज्यादा भूमि अब सिंचित हो रही है। इसके अलावा जगबली यादव की लगभग सवा एकड़ ज़मीन भी इस सरोवर से सींची जा रही है। किसानों ने बताया कि अब वे खरीफ के साथ रबी की फसलें भी लेने लगे हैं, जिससे उनकी आमदनी में सुधार हुआ है। महिलाओं की कमाई 75 हजार रुपए ग्राम पंचायत ने अमृत सरोवर को आजीविका संवर्धन के रूप में स्थानीय महिला स्व-सहायता समूह को लीज पर उपलब्ध कराया है। जय मां महिला स्व-सहायता समूह की सदस्य महिलाओं ने इस तालाब से बीते ग्रीष्म में 75 हजार रुपये की मछली बेचकर लाभ कमाया। समूह की अध्यक्ष श्रीमती सोनकुंवर और सचिव श्रीमती जीराबाई ने बताया कि इस साल लगभग तीन लाख रुपए के मछली उत्पादन की उम्मीद है। यह पहल महिलाओं के लिए अतिरिक्त आय का जरिया और पोषण संवर्धन का साधन बन रही है। खुशहाली का प्रतीक बना अमृत सरोवर किशोरी ग्राम पंचायत का यह अमृत सरोवर आज केवल जल संरक्षण का साधन नहीं, बल्कि किसानों की समृद्धि और महिलाओं की आत्मनिर्भरता का प्रतीक बन चुका है। ग्रामीणों का कहना है कि अब उनके जीवन में स्थायी परिवर्तन दिखाई दे रहा है।

भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में सेवा पखवाड़ा, आमजन के काम आसान

जयपुर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि प्रदेश की सभी 200 विधानसभा क्षेत्रों के समग्र विकास के लिए हमारी सरकार पूरी प्रतिबद्धता और संकल्प के साथ कार्य कर रही है। प्रदेश को प्रगति की ऊंचाईयों पर पहुंचाना हमारा मुख्य ध्येय है। उन्होंने कहा कि सांगानेर न केवल जयपुर का, बल्कि पूरे राजस्थान का एक महत्वपूर्ण औद्योगिक और सांस्कृतिक केंद्र है। हम सांगानेर को विकास के पायदान पर आगे खड़ा रहने की प्राथमिकता से कार्य कर रहे है। जिससे विकसित राजस्थान के संकल्प में यह क्षेत्र अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकें। शर्मा सोमवार को जयपुर में सांगानेर क्षेत्र के विभिन्न विकास कार्यों के लोकार्पण एवं शिलान्यास समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने सांगानेर में विकास के नए कीर्तिमान स्थापित किए है। राज्य सरकार द्वारा सांगानेर में बिजली के क्षेत्र में ही लगभग 100 करोड़ रुपये के कार्य किए गए। इस विधानसभा क्षेत्र में ‘यूनिटी मॉल‘, जयपुर मेट्रो, सांगानेर फ्लाईओवर से चौरड़िया पेट्रोल पंप तक एलीवेटेड रोड का निर्माण सहित विभिन्न विकास कार्य किए जा रहे है, जिससे क्षेत्र के विकास को गति मिलेगी। सांगानेर को मिली लगभग 700 करोड़ रूपये के विकास कार्यों की सौगात मुख्यमंत्री ने कहा कि आज सांगानेर को लगभग 700 करोड़ रूपये के विकास कार्यों की सौगात मिलने जा रही है। इस कार्यक्रम के तहत सांगानेर में विद्युत, सड़क, शिक्षा, नगरीय विकास सहित विभिन्न क्षेत्रों के 529 करोड़ रुपये से अधिक लागत के विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास किया गया है। साथ ही, आज सांगानेर स्टेडियम में करीब 171 करोड़ के कार्यों का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया गया है। उन्होंने कहा कि आज लगभग 218 करोड़ से अधिक की लागत वाली गोपालपुरा बाईपास पर त्रिवेणी नगर आरओबी से गुर्जर की थड़ी के पास तक एलिवेटेड रोड के निर्माण कार्य का शिलान्यास भी किया जा रहा है। प्रधानमंत्री के नेतृत्व में देश में हुए अभूतपूर्व कार्य शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में हमारी डबल इंजन की सरकार का लक्ष्य है कि राजस्थान देश का अग्रणी प्रदेश बने। प्रधानमंत्री नरेन्द्र के जन्मदिवस के अवसर पर सेवा पखवाड़ा आरम्भ हुआ है। सेवा पखवाड़े के तहत राज्य सरकार ने भी ग्रामीण एवं शहरी सेवा शिविरों की शुरूआत की है। इन शिविरों के माध्यम से पंडित दीनदयाल उपाध्याय के अंत्योदय का संकल्प साकार हो रहा है तथा जनोपयोगी कार्य प्राथमिकता से किए जा रहे हैं। इन शिविरों से अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति को जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ मिल रहा है। उन्होंने आमजन से अपील करते हुए कहा कि इन शिविरों में वे अधिक से अधिक लाभ उठाएं तथा अपने आस-पास के लोगों को इन शिविरों में लाभ उठानें के लिए प्रेरित करें। उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा ने कहा कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में हमारी सरकार जनकल्याण को प्राथमिकता मानते हुए निरंतर निर्णय ले रही है। इसी कड़ी में आज सांगानेर में विकास कार्यों का शिलान्यास व लोकार्पण किया गया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा जीएसटी में किए गए बदलाव से आमजन को बड़ी राहत मिली है। हमारी डबल इंजन की सरकार प्रदेश को देश के अग्रणी राज्य बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में आंगनबाड़ी केन्द्रों के लिए सामग्री वितरण एवं दिव्यांगजनों को स्कूटी वितरित की। शर्मा ने एम्बुलेंस को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इससे पहले मुख्यमंत्री का आमजन ने जगह-जगह माला पहनाकर स्वागत-अभिनंदन किया। इस अवसर पर नगरीय एवं स्वायत्त शासन राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) झाबर सिंह खर्रा, सांसद घनश्याम तिवाड़ी, विधायक कैलाश वर्मा, जयपुर ग्रेटर महापौर सौम्या गुर्जर, उपमहापौर पुनीत कर्णावट सहित विभिन्न जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित रहे।

लिव-इन प्रेमी की निर्मम हत्या: प्रेमिका ने रूम में किया सिर कुचलने का जुर्म, पुलिस ने की जांच शुरू

पटना  बिहार की राजधानी पटना में एक शादी शुदा महिला ने अपने लिव इन प्रेमी को दर्दनाक मौत की सजा दी। घर के सिलवट्टे से सिर कुचलकर उसे मार दिया और खुद पुलिस को फोन कर जानकारी दी। घटना कंकड़बाग थाना क्षेत्र में शुक्रवार की देर रात की है। मृतक की पहचान मुरारी कुमार के रूप में की गयी। पुलिस ने आरोपित महिला पूजा कुमारी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। आरोपी महिला मुरारी पर शादी का दबाव बना रही थी। पति को छोड़कर वह मुरारी के साथ पांच सालों से रहती थी। पहले पति से उसकी एक बेटी भी है। मुरारी कुमार सुल्तानपुर मोकामा का निवासी था और बैंगलुरु में चालक का काम करता था। वह पहले से शादी शुदा था। पूजा कुमारी मूलरूप से गौरीचक लखना खैरा गांव की रहने वाली हैं। दोनों के बीच पांच वर्ष से प्रेम प्रसंग चल रहा था। मुरारी लगातार शादी से इनकार कर रहा था, जबकि पूजा उससे विवाह करना चाहती थी। कंकड़बाग थानेदार ने बताया कि हत्या के अन्य बिन्दुओं की गहन जांच हो रही है। हत्या की रात दोनों के बीच झगड़ा हुआ था। पुलिस सूत्रों के अनुसार, इस झगड़े में शादी के दबाव के साथ-साथ पैसों का मामला भी शामिल था। मृतक के भाई मनोज यादव ने बताया कि मुरारी ने अपनी बहन से बात करते हुए कहा था कि उनके पास 20 लाख रुपये हैं, जिन्हें पटना में जमीन खरीदने में लगाना है। इसके लिए मुरारी ने एक लाख रुपये मदद के रूप में मांगने की बात कही थी। परिवार वालों का आरोप है कि पूजा ने पैसे हड़पने के लिए हत्या की साजिश रची थी। भाई के मुताबिक मुरारी पूजा से संपर्क के बाद परिवार और घर वालों से दूर रहने लगा था। वह बेंगलुरु से आने पर पूजा के साथ ही रहता था। शादी और पैसों के विवाद के कारण प्रेम प्रसंग खूनी संघर्ष में बदल गया।  

भोरमदेव शक्कर कारखाना अब गैर-अंशधारी किसानों को भी देगा सदस्यता

कवर्धा के गन्ना किसानों के लिए ऐतिहासिक फैसला रायपुर  मुख्यमंत्री सुशासन तिहार, जनदर्शन, भारतीय किसान संघ और अन्य संगठनों द्वारा लंबे समय से गैर-अंशधारी किसानों को सदस्य बनाने की मांग की जा रही थी। इसलिए पिछले पेराई सत्र में जिन किसानों ने गन्ना दिया है, उन्हें सदस्यता प्रदान की जाएगी। साथ ही, आने वाले पेराई सीजन में सर्वे के अनुसार जो भी गन्ना किसान कारखाने की आवश्यकता अनुसार गन्ना आपूर्ति करेंगे, उन्हें भी अगले वर्ष सदस्यता दी जाएगी। कवर्धा जिले के गन्ना किसानों के लिए ऐतिहासिक सौगात मिली है। भोरमदेव सहकारी शक्कर उत्पादक कारखाना अब गैर-अंशधारी किसानों को भी सदस्यता देने जा रहा है। भोरमदेव सहकारी शक्कर उत्पादक कारखाना मर्यादित कवर्धा ने आगामी पेराई सीज़न 2025-26 में गन्ना आपूर्ति करने वाले गैर-अंशधारी किसानों को भी आने वाले साल में सदस्यता देने का ऐतिहासिक निर्णय लिया है। निर्णय के अनुसार गन्ना देने वाले गैर-अंशधारी किसानों को भी सदस्यता प्रदान की जाएगी। इससे सभी गन्ना किसानों को बराबरी का दर्जा मिलेगा और कारखाने की गन्ना आपूर्ति स्थिर व सुनिश्चित होगी। यह कदम किसानों के हित में है और इससे क्षेत्र में सहकारिता आंदोलन को नई दिशा मिलेगी। भोरमदेव शक्कर कारखाना 03 अप्रैल 2001 को पंजीकृत हुआ था और वर्तमान में इसकी क्षमता 3500 मैट्रिक टन प्रतिदिन है। स्थापना के समय न्यूनतम 2000 रुपए शेयर राशि और 100 रुपए प्रवेश शुल्क तय किया गया था। वर्तमान में इसमें 23,476 अंशधारी सदस्य हैं, जिनमें से हर साल लगभग 12,500-13,000 किसान ही गन्ना आपूर्ति करते हैं। कारखाने के पेराई लक्ष्य को पूरा करने के लिए साढ़े चार लाख मीट्रिक टन गन्ने की आवश्यकता होती है, लेकिन पिछले वर्ष पर्याप्त गन्ना आपूर्ति नहीं होने से कारखाना समय से पहले बंद करना पड़ा। प्रबंध संचालक मंडल ने किसानों की इस मांग को मानते हुए निर्णय लिया है कि अब भविष्य में गन्ना आपूर्ति करने वाले गैर-अंशधारी किसानों को भी कारखाने की सदस्यता दी जाएगी। कारखाना प्रबंधन का कहना है कि इस निर्णय से न केवल गन्ना आपूर्ति स्थिर होगी बल्कि किसानों का भरोसा भी मजबूत होगा। किसानों ने इस निर्णय का स्वागत किया है और इसे गन्ना उत्पादकों के लिए नया अध्याय बताया है।

मौसम अलर्ट: पंजाब में जल्द आएगा ठंडक का अहसास, जानिए कब से बदलेगा मौसम

पंजाब  पंजाब भर में एक बार फिर गर्मी बढ़ गई है और उमस ने लोगों को परेशान किया हुआ है। इसके साथ ही तापमान में भी बढ़ौतरी दर्ज की गई है। वहीं जालंधर  शहर में प्रदूषण भी बढ़ने लगा है और एयर क्वालिटी इंडेक्स 150 पार कर गया है। अगले तीन दिन राहत नहीं मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले तीन दिनों तक दिन का तापमान 35-36 डिग्री के बीच रहने की संभावना है। इस दौरान तेज धूप और उमस होगी। मौसम विभाग का कहना है कि 5 अक्टूबर को मौसम करवट लेगा। इसके बाद बादल छाने के साथ ही सुबह और शाम की ठंडक भी बढ़नी शुरू हो जाएगी। बता दें कि पंजाब से मानसून 25 सितंबर को विदा हो चुका है। इसके बाद अब लोगों को ठंड का इंतजार है क्योंकि त्योहारों का सीजन आ गया है पर पंजाब में अभी भी काफी गर्मी पड़ रही है जिससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।  

रायपुर: मोहगांव हाई स्कूल में अंग्रेजी, गणित और कला विषयों के शिक्षकों की हुई नई पदस्थापना

रायपुर : मोहगांव हाई स्कूल में अंग्रेजी, गणित एवं कला विषय के शिक्षकों की पदस्थापना स्कूल में लौटी शिक्षा की रौनक, बढी शिक्षा की गुणवत्ता रायपुर विद्यालय में एक शिक्षकीय विद्यालय या शिक्षकों की नियुक्ति न होने के कारण प्रारंभ से ही यह संस्था शिक्षकविहीन स्थिति में संचालित हो रही थी, जिससे विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हो रही थी। अभिभावकों की चिंता और बच्चों की शैक्षणिक प्रगति में बाधा को लेकर ग्रामीणजनों में निराशा व्याप्त थी। शिक्षा विभाग द्वारा इस समस्या की गंभीरता को समझते हुए युक्तियुक्तकरण प्रक्रिया के तहत्  विद्यालय में छात्र संख्या के आधार पर शिक्षकों को पदस्थ किए गए हैं, जिससे स्कूल में शिक्षा की रौनक बढी शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार हो रहा है।       महासमुंद जिले के विकासखंड बागबाहरा अंतर्गत शासकीय हाई स्कूल मोहगांव की स्थापना वर्ष 2022 में विद्यार्थियों को माध्यमिक स्तर की गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से की गई थी। किंतु युक्तियुक्तकरण प्रक्रिया के तहत् तीन व्याख्याता अंग्रेजी, गणित एवं कला विषय के लिए इस विद्यालय में पदस्थ किए गए हैं। इन विषयों की अत्यधिक आवश्यकता थी क्योंकि ये विद्यार्थी के समग्र बौद्धिक और रचनात्मक विकास के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। श्री देवेंद्र चंद्राकर, शैलेन्द्र ठाकुर, रामसिंह नाग व विज्ञान सहायक भूपेंद्र जसपाल शिक्षकों की नियुक्ति के साथ ही विद्यालय में शैक्षणिक गतिविधियाँ पुनः गति पकड़ने लगी हैं। अब नियमित रूप से कक्षाएँ संचालित हो रही हैं और विद्यार्थी पूरे उत्साह एवं रुचि के साथ अध्ययन में भाग ले रहे हैं। बच्चों की उपस्थिति में भी उल्लेखनीय सुधार हो रहा है।     विद्यालय में व्याख्याताओं की पदस्थापना से न केवल बच्चों की पढ़ाई सुचारू रूप से प्रारंभ हुई है, बल्कि ग्राम मोहगांव सहित आस-पास के क्षेत्रों के पालकों एवं ग्रामीणजनों में भी प्रसन्नता की लहर है। बच्चों के भविष्य को लेकर अब उनमें आश्वस्ति का भाव है। ग्राम के नागरिकों ने शासन एवं शिक्षा विभाग के प्रति आभार प्रकट करते हुए कहा कि यह निर्णय दूरस्थ ग्रामीण अंचल में शिक्षा को मजबूत बनाने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है। उन्होंने अपेक्षा जताई कि इसी तरह अन्य आवश्यक सुविधाएँ भी विद्यालय में शीघ्र उपलब्ध कराई जाएंगी, जिससे बच्चों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिल सके।     क्षेत्र के जनपद सदस्य भूपेंद्र मोंटू दीवान, सरपंच नरेन्द्र दीवान व एसएमसी अध्यक्ष डॉ. चेतन साहू ने प्रसनता व्यक्त करते कहा कि शिक्षा विभाग की यह पहल शिक्षा सबके लिए के उद्देश्य को साकार करने की दिशा में एक सकारात्मक संकेत है, जिससे यह सुनिश्चित किया जा सके कि किसी भी बच्चे को केवल संसाधनों के अभाव में शिक्षा से वंचित न होना पड़े।

महासमुन्द : ग्रामीण युवक एवं युवतियों के लिए डेस्कटाॅप पब्लिशिंग में निःशुल्क प्रशिक्षण का सुनहरा अवसर

महासमुन्द बड़ौदा ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान द्वारा जिले के ग्रामीण युवक एवं युवतियों के लिए कम्प्यूटर में डेस्कटाॅप पब्लिशिंग में निःशुल्क प्रशिक्षण का सुनहरा अवसर प्रदान किया जा रहा है। यह प्रशिक्षण 45 दिनों का रहेगा। प्रशिक्षण के लिए इच्छुक अभ्यर्थी 3 अक्टूबर 2025 तक पंजीयन करा सकते है। प्रशिक्षण हेतु आवश्यक दस्तावेजों में आधार कार्ड, बीपीएल राशन कार्ड को 2-2 छायाप्रति, अंकसूची न्यूनतम 12 वीं उत्तीर्ण एक छायाप्रति एवं पासपोट साईज की 5 फोटो शामिल है। प्रशिक्षण के लिए अभ्यर्थी द्वारा बड़ौदा आरसेटी बरोण्डा बाजार में उपस्थित होकर या कमलेश पटेल के मोबाईल नम्बर +91-79997-00673, अक्षय सिंग राजपूत के मोबाईल नम्बर +91-83194-62874 एवं राजू निर्मलकर के मोबाईल नम्बर +91-91310-65767 पर सम्पर्क कर पंजीयन कराया जा सकता है। सम्पर्क करने का समय सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे तक है।    

कांकेर में दशहरा एवं विसर्जन तैयारी पर चर्चा, शांति समिति की बैठक आयोजित

उतर बस्तर कांकेर : प्रतिमा विसर्जन एवं दशहरा उत्सव के आयोजन को लेकर शांति समिति की बैठक हुई कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने की गई अपील उतर बस्तर कांकेर नवरात्रि पर्व उपरांत मॉ दुर्गा का प्रतिमा विसर्जन तथा दशहरा पर्व के सफल आयोजन को लेकर आज जिला स्तरीय शांति समिति की बैठक हुई, जिसमें कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने के संबंध में चर्चा की गई। बैठक में नगरपालिका परिषद के अध्यक्ष श्री अरूण कौशिक तथा अपर कलेक्टर श्री जितेन्द्र कुमार कुर्रे उपस्थित थे। जिला कार्यालय के सभाकक्ष में आज दोपहर आहूत बैठक में मूर्ति विसर्जन के स्थल चयन एवं रूट चार्ट की जानकारी दी गई। अपर कलेक्टर ने सभी आयोजन समिति के पदाधिकारियों की सूची उपलब्ध कराने के लिए कहा। साथ ही ध्वनि विस्तारक यंत्रों का उपयोग उच्चतम न्यायालय और नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल द्वारा निर्धारित मापदंड अनुसार किए जाने के बारे जानकारी दी। बैठक में एडिशनल एसपी श्री दिनेश कुमार सिन्हा ने बताया कि शहर में इस दौरान पुलिस के उच्चाधिकारियों की तैनाती चिन्हांकित चौक-चौराहों पर की जाएगी तथा छोटे-बड़े वाहनों के आवागमन हेतु रूट चार्ट एवं वाहन पार्किंग का निर्धारण प्रशासन एवं पुलिस द्वारा संयुक्त रूप से किया जाएगा। इसके अलावा मूर्ति विसर्जन के दौरान विद्युत विभाग, परिवहन, लोक निर्माण सहित अन्य विभागों के परस्पर सहयोग से आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं। बैठक में उपस्थित जनप्रतिनिधियों एवं वरिष्ठ नागरिकों ने भी अपने सुझाव देते हुए नगर की ऐतिहासिक गरिमा के अनुरूप मूर्ति विसर्जन और दशहरा उत्सव आयोजित करने के संबंध में चर्चा की। शहर के विभिन्न मार्गों में बारिश के दौरान बन चुके गड्ढों की फिलिंग कराने कार्यपालन अभियंता लोक निर्माण विभाग को निर्देशित किया गया। एसडीएम कांकेर श्री अरूण वर्मा ने डीजे एवं ध्वनि विस्तारक यंत्र का उपयोग करने के लिए दुर्गोत्सव समितियों को निर्धारित प्रारूप में अनुमति लेने की बात कही तथा नियमों का पालन करने पर जोर दिया। बताया गया कि रावण पुतला दहन कांकेर शहर के शासकीय नरहरदेव उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के मैदान और मेलाभाठा में किया जाएगा। पुतला दहन निर्धारित समयानुसार सम्पन्न कराने की समझाइश आयोजकों को दी गई। इसके अलावा अन्य बिंदुओं पर सकारात्मक चर्चा की गई। बैठक में विभिन्न आयोजन समिति के पदाधिकारी, पार्षदगण तथा वरिष्ठ नागरिकगण मौजूद थे।