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राज्यपाल पटेल ने बिरवा में ईमलाबाई के घर किया भोजन

भोपाल राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल गुरूवार को बालाघाट जिले के बैहर के ग्राम बिरवा में प्रधानमंत्री आवास योजना की हितग्राही ईमलाबाई मरकाम के घर पहुंचे। उनके बच्चों के साथ आत्मीय चर्चा की। शासन की योजनाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की। परिवार के साथ सहभोज में शामिल हुए। राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने ईमलाबाई के बच्चों के साथ चर्चा कर उनके बारे में जानकारी प्राप्त की। उनको बड़ी बेटी भावगती ने बताया की वह आईटीआई की पढ़ाई कर रही है। छोटी बेटी सोमवती ने बताया की उसने दसवीं के बाद पढ़ाई रोक दी है। बेटे दीपक मरकाम ने बताया की उसने नवमी कक्षा तक पढ़ाई की है। अब वह खेती कर रहा है। उसने बताया की वह सर्विस सेंटर खोलना चाहता है। राज्यपाल श्री पटेल ने उन्हें पढ़ाई जारी रखने के लिए प्रेरित किया। राज्यपाल श्री पटेल द्वारा ईमलाबाई से शासन की योजनाओं के लाभों के संबंध में जानकारी ली गई। ईमलाबाई ने बताया कि वर्ष 2021 में प्रधानमंत्री आवास योजनान्तर्गत उन्हें आवास स्वीकृत किया गया था। शौचालय निर्माण के लिये भी राशि मिली है। उन्होंने बताया कि उन्हें विधवा पेंशन मिलती है, मनरेगा जॉब कार्ड भी उनके पास है। साथ ही प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, मुख्यमंत्री किसान कल्याण योजना, मुख्यमंत्री अन्नपूर्णा योजना, प्रधानमंत्री उज्‍जवला योजना, आयुष्मान भारत योजना, संबल योजना का लाभ भी मिल रहा है। उसने प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना में भी अपना बीमा कराया हैं। राज्यपाल श्री पटेल का घर पहुंचने पर ईमलाबाई ने पारंपरिक रीति रिवाज के साथ उनका स्वागत किया। पारंपरिक भोजन परोसा, जिसमें कोदो का भात, कुटकी की खीर, चैच भाजी, चिरोटा भाजी, करील की सब्जी व भोंडों पिहरी की सब्जी शामिल थी। राज्यपाल श्री पटेल के साथ जनजातीय कार्य मंत्री डॉ. कुंवर विजय शाह, सांसद श्रीमती भारती पारधी, विधायक श्री गौरव पारधी और ईमलाबाई की बेटियों भागवती, सोमवती एवं बेटे दीपक मरकाम ने भी भोजन किया।

जनजातीय क्षेत्रों में स्वास्थ्य शिविरों का आयोजन, सराहनीय पहल : राज्यपाल पटेल

राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने किया बैहर में महा आरोग्य शिविर का शुभारंभ भोपाल राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कहा कि बैहर (बालाघाट) जैसे दूरस्थ और जनजातीय बहुल इलाके में स्‍वास्‍थ्‍य शिविर का आयोजन किया जाना सराहनीय प्रयास है। इसका लाभ इस क्षेत्र की स्थानीय और जनजातीय जनता को मिलेगा। राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने गुरूवार को बालाघाट जिले के जनजातीय बहुल क्षेत्र बैहर के एकलव्य विद्यालय परिसर में आयोजित महा आरोग्य शिविर के शुभारंभ अवसर पर कही। राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि अधिकांशत: जनजातीय समुदाय में अनुवांशिक सिकल सेल बीमारी बहुतायत में पाई जाती है। इस बीमारी की रोकथाम के लिये बच्चों के विवाह से पहले जिस तरह कुण्डली मिलाई जाती है उसी तरह बच्चो के सिकलसेल कार्ड का मिलान करना चाहिये। यदि लड़का और लड़की दोनो सिकल  सेल के वाहक है तो उनकी आपस में शादी नहीं करनी चाहिए। राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि वनांचल क्षेत्र में औषधि पौधों से दवाई बनाने के कारखाने लगाने के शासन स्तर पर प्रयास किए जाएंगे। राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि केन्द्र सरकार ने वर्ष-2047 तक सिकल सेल रोग के उन्मूलन का लक्ष्य रखा है। इसके लिये 15 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया है। उन्होंने कहा कि हम सभी को संकल्प लेना होगा कि सामूहिक प्रयास और जागरूकता से वर्ष 2047 तक कोई भी बच्चा सिकल सेल से ग्रसित पैदा नही होना चाहिये। राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि बालाघाट में सिकलसेल की पहचान के लिये 4 लाख 36 हजार  818 लोगो की जांच की गई है। राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि मध्यप्रदेश में विशेष पिछड़ी जनजातीय बैगा, भारिया और सहरिया रहती है। इन जनजातियों के सर्वांगीण विकास के लिये पीएम जनमन योजना लागू की गई है। इस योजना में केन्द्र सरकार द्वारा 24 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इस योजना में 9 विभागों को शामिल किया गया है। इसी प्रकार जनजातीय बाहुल्‍य क्षेत्रों के विकास के लिये धरती आबा ग्राम उत्कर्ष योजना लागू की गई है। इस योजना में 80 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। जिसमें केन्द्र सरकार द्वारा 70 प्रतिशत और राज्य सरकार द्वारा 30 प्रतिशत राशि दी जा रही है। राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि केन्द्र और प्रदेश सरकार समाज के हर वर्ग की बेहतरी और कल्याण के लिये योजनाऍ बना रही है। इन योजनाओं से गरीबो का जीवन संवर रहा है। आयुष्मान कार्ड पर 5 लाख रूपये तक का इलाज मुफ्त में किया जा रहा है। महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिये स्व‍-सहायता समूहों के माध्यम से रोजगार मूलक गतिविधि से जोड़ा जा रहा है। इससे गरीब महिलाऍ लखपति बन रही है। उन्होंने कहा कि स्व-सहायता समूहों की महिलाओं को ड्रोन चलाने का प्रशिक्षण देकर ड्रोन दीदी के नाम से नई पहचान दिलाई जा रही है। उज्‍जवला योजना में गरीब परिवार की महिला को नि:शुल्क गैस कनेक्शन दिया जा रहा है। केन्द्र और राज्य सरकार गरीब लोगों को पक्का मकान बनाकर दे रही है। स्वच्छता अभियान में हर गरीब के घर पक्के शौचालय बनाये जा रहे है। हितग्राहियों को किया हितलाभ वितरण राज्यपाल श्री पटेल ने सिकल  सेल से पीड़ित युवती को दिव्यांग प्रमाण पत्र, वनाधिकार अधिनियम के अन्तर्गत घुरसीबहरा एवं मुरैण्डा के हितग्राहियों को सामुदायिक वन पट्टा तथा लातरी के हीरालाल, बिसनलाल एवं फूलचंद को व्यक्तिगत वन पट्टा प्रदान किया। आजीविका मिशन के अन्तर्गत 34 महिला समूहों को 1.06 करोड़ रूपये की राशि का चेक प्रदान किया। कार्यक्रम में सामाजिक न्याय विभाग की ओर से हितग्राहियों को वृद्धावस्था पेंशन एवं दिव्यांग पेशन 280 वृद्धजनों को व्हील चेयर, कान की मशीन, छड़ी, कमोड चेयर एवं अन्य सहायक उपकरण प्रदाय किये गये। कृषि विभाग की ओर से  हितग्राहियों को फसल बीमा दावा राशि व कृषि यंत्र की अनुदान राशि वितरित की गई। राज्यपाल श्री पटेल के शिविर में पहुंचने पर पारंपरिक बैगा नृत्य से उनका स्वागत किया गया। कार्यक्रम में आयुष विभाग द्वारा आयुष पद्धति से उपचार के प्रदर्शन के स्टॉल लगाये गये थे। इस अवसर पर जनजातीय कार्य मंत्री डॉ. कुंवर विजय शाह, पूर्व मंत्री श्री रामकिशोर कावरे, स्थानीय जनप्रतिनिधि, कलेक्टर श्री मृणाल मीना, पुलिस अधीक्षक श्री आदित्य मिश्रा, गणमान्य नागरिक, बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित थे।

पति ने प्रेमिका के साथ रहने के लिए पत्नी की सुपारी दी, इंदौर में पांच गिरफ्तार

इंदौर कनाड़िया पुलिस ने 28 वर्षीय रानी की हत्या में उसके पति ईश्वर सोनगरा, तोषिका सोनगरा, शूटर मुजफ्फर सहित पांच को गिरफ्तार किया। तोषिका निजी स्कूल की एडमिन है और उसने तीन साल पूर्व स्कूल बस के ड्राइवर ईश्वर से शादी कर ली थी। दोनों ने साथ रहने के लिए की मंशा से रानी को रास्ते से हटाने साजिश की और मुजफ्फर को सुपारी देकर हत्या करवा दी। एडिशनल डीसीपी जोन-2 अमरेंद्रसिंह के मुताबिक ग्राम कनाड़िया निवासी रानी पति ईश्वर सोनगरा की अज्ञात बदमाशों ने गोली मारकर हत्या की थी। ईश्वर एमवाय अस्पताल ले गया और एक्सीडेंट में मृत बताकर शव मर्च्युरी में रखवा दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गोली मिलने पर पुलिस ने ईश्वर को हिरासत में लिया तो हत्या स्वीकार ली पर तोषिका और शूटर की जानकारी नहीं दी। पुलिस ने कॉल डिटेल (सीडीआर) और पब्लिक स्वीच्ड टेलिफोन नेटवर्क (पीएसटीएन) डेटा के आधार पर तोषिका सोनगरा निवासी कनाड़िया, अमन पुत्र महेश मिमरोट निवासी गणराज नगर(खजराना), मोहम्मद समद पुत्र मोहम्मद रफीक निवासी गोसिया मंदिर के पास (खजराना) मुजफ्फर पुत्र सलीम खान निवासी गांधी ग्राम कॉलोनी (खजराना) को भी गिरफ्तार कर लिया।   पुलिस कर रही बदमाश की तलाश आरोपी मुजफ्फर भी स्कूल बस चलाता है और ईश्वर और तोषिका से दोस्ती है। उसने ही सुपारी लेकर रानी को गोली मारी थी। पुलिस हथियार की सप्लाई करने के मामले में एक बदमाश की तलाश कर रही है। एक की तो सड़क हादसे में आठ दिन पूर्व मौत हो चुकी है। हत्या और पिस्टल के लिए गोल्ड आई एडमिन टीआइ डा.सहर्ष यादव के मुताबिक तोषिका से तीन साल पूर्व ईश्वर ने शादी कर ली थी। रानी इसका विरोध करती थी। उसको बच्चों के लिए स्कूल में नौकरी करना पड़ी थी। गोली मारकर फरार हो गया मुजफ्फर तोषिका और ईश्वर ने साथ में साजिश की और रुपयों की व्यवस्था के लिए गोल्ड लोन लिया। ईश्वर ने पिस्टल के लिए 20 हजार और हत्या के लिए रानी ने 40 हजार रुपये दिए। मुजफ्फर ने समद से पिस्टल मांगी। समद ने अमन मिमरोट और अमन ने अमन देवड़ा व एक अन्य से मुलाकात करवाई। देवड़ा और उसके साथी का एक्सीडेंट हो चुका है। देवड़ा की उसमें मौत हो गई जबकि साथी की हालत गंभीर है। पुलिस के मुताबिक हत्या के पूर्व रानी की रैकी की गई थी। 14 अगस्त को स्कूल से आते वक्त मुजफ्फर बगैर नंबर की बाइक से हेलमेट लगाकर कनाड़िया पहुंचा और गोली मारकर फरार हो गया।

आरिफ मसूद कॉलेज विवाद: जांच के लिए एसआईटी बनाई गई, संजीव शमी होंगे प्रमुख

भोपाल  भोपाल की मध्य विधानसभा से कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद के कॉलेज की मान्यता के मामले में डीजीपी कैलाश मकवाना ने तीन सदस्यीय जांच दल (SIT)  गठित किया है। यह जांच दल फर्जी दस्तावेजों के जरिए कॉलेज की मान्यता के मामले में जांच करेगा। हाई कोर्ट की डबल बेंच के निर्देश के बाद डीजपी कैलाश मकवाना ने SIT का गठन संजीव शमी एडीजी (टेलीकॉम) के नेतृत्व मे किया गया है जिसमें डी. कल्याण चक्रवर्ती डीआईजी छिंदवाड़ा रेंज और  निमिशा पांडे एआईजी (प्रशिक्षण) पीएचक्यू भोपाल को शामिल किया गया है। एडीजी संजीव शमी के नेतृत्व मे बनाई गई SIT जाली दस्तावेजों के माध्यम से विधायक आरिफ मसूद के इंदिरा प्रियदर्शिनी कॉलेज की मान्यता के मामले की जांच करेगी। बता दें हाईकोर्ट ने प्रियदर्शिनी कॉलेज की मान्यता से जुड़े फर्जी दस्तावेजों के मामले में गंभीर रुख अपनाते हुए तीन दिन के भीतर एफआईआर दर्ज करने और  डीजीपी कैलाश मकवाना को विशेष जांच दल (SIT) गठित करने के निर्देश भी दिए थे। इसके बाद पुलिस ने विधायक के खिलाफ एफआईआर दर्ज की। साथ ही अब डीजीपी ने हाईकोर्ट के आदेश पर गठित तीन सदस्यीय SIT का नेतृत्व एडीजी कम्युनिकेशन संजीव शमी करेंगे।   दो बार फर्जी सेल डीड का इस्तेमाल आरोप है कि अमन एजुकेशन सोसाइटी के सचिव रहते हुए आरिफ मसूद ने कॉलेज की मान्यता के लिए दो बार फर्जी सेल डीड जमा की थी। यह दस्तावेज़ साल 2004 और 2005 के बीच पेश किए गए थे। करीब 20 साल तक इस फर्जीवाड़े की जांच नहीं हुई और आखिरकार सब-रजिस्टार परी बाजार, भोपाल की रिपोर्ट के बाद मामला उजागर हुआ। 

अभियुक्त की मौत के बाद भी जारी रहा केस, सह-आरोपी पत्नी, बेटे और बहू को 3 साल कैद

जबलपुर   आय से अधिक संपत्ति मामले में प्रवर्तन निर्देशालय (ईडी) ने ऐसा फैसला सुनाया है, जिसे सुनकर भ्रष्टाचार करने वालों के होश उड़ जाएंगे. दरअसल, विशेष न्यायाधीश इरशाद अहमद ने अभियुक्त कर्मचारी की मौत के बावजूद प्रकरण में सह आरोपी पत्नी, बेटे व बहू को तीन-तीन साल के कारावास व दस-दस हजार रूपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है. विशेष न्यायालय ने माना कि आय से अधिक अर्जित संपत्ति का उपयोग सह आरोपियों के नाम सम्पत्ति खरीदने व निवेश में किया गया था. परिवार के लोगों को क्यों मिली सजा? अभियोजन के अनुसार जबलपुर में पदस्थ रहे कंट्रोलर ऑफ डिफेंस अकाउंट, सहायक लेखाधिकारी सूर्यकांत गौर के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोप लगे थे. ईडी ने साल 2011 में उनके खिलाफ कार्रवाई की थी. इस दौरान ईडी को उनके पास से आय से लगभग 90 लाख रु अधिक की संपत्ति मिली थी. आय से अधिक राशि का उपयोग पत्नी विनिता गौर, पुत्र शिशिर गौर व पुत्रवधू सुनीता गौर के नाम पर संपत्ति खरीदने व निवेश में किया गया था. ईडी ने प्रकरण में मुख्य आरोपी सहित परिवार के अन्य सदस्यों को आरोपी बनाते हुए उनके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज किया था. सभी को माना गया भ्रष्टाचार का दोषी प्रवर्तन निर्देशालय ने सभी आरोपियों के खिलाफ विशेष न्यायालय में चालान प्रस्तु किया था. न्यायालय में प्रकरण के लंबित रहने के दौरान मुख्य आरोपी सूर्यकांत गौर की मृत्यु हो गई थी. विशेष न्यायालय ने प्रकरण की सुनवाई के दौरान पेश किए गए साक्ष्य व गवाहों के आधार पर सह आरोपियों को भ्रष्टाचार के मामले में दोषी करार देते हुए सजा से दंडित किया. स्पेशल कोर्ट ने यह भी कहा है कि जुर्माने की राशि अदा नहीं करने पर 6-6 माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी. ईडी की ओर से विशेष लोक अभियोजन अधिवक्ता विक्रम सिंह ने पैरवी की.

उज्जैन महाकाल मंदिर में शिव का मुखौटा गिरा, ज्योतिषाचार्य बोले- अप्राकृतिक घटना

उज्जैन विश्व प्रसिद्ध महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग में दो दिन पहले 18 अगस्त सोमवार को एक अनोखी घटना घटित हुई । यहां रोजाना की तरह रात्रि 8:00 बजे शिवलिंग पर श्रृंगार किया जा रहा था। शिवलिंग पर भांग से भगवान शिव का मुखौटा बनाया गया । इस दौरान बड़ी मात्रा में भांग लगाई गई। इसके तत्काल बाद आरती शुरू ही होने ही वाली थी कि भांग का श्रृंगार टूटकर नीचे गिर गया। यहां शिव के मुखौटे से नाक, होंठ और एक आंख टूट कर नीचे गिर गई। कुछ ही क्षण में मंदिर के गर्भगृह में मौजूद पंडे पुजारी ने तत्काल फिर से मुखौटा बनाया और आरती की। यह पूरी घटना मंदिर में लगे सीसीटीवी में कैद हुई जो कि वायरल हो गई। खड़े हो रहे हैं सवाल इस घटना के बाद महाकाल मंदिर प्रबंध समिति और मंदिर के पंडे पुजारियों पर कई प्रकार के सवाल खड़े हो रहे हैं। घटना को लेकर ज्योतिष आचार्य और धर्म के ज्ञाता भी अपना अलग-अलग मत दे रहे हैं। सुप्रीम कोर्ट ने दिए थे कई निर्देश नियमों की बात करें तो वर्ष 2020 में महाकाल शिवलिंग क्षरण रोकने की एक याचिका पर सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने महाकाल मंदिर समिति को निर्देश दिए थे कि शिवलिंग पर तय मात्रा में पंचामृत चढ़ाया जाए। इसके अलावा भांग और अन्य सामग्रियों के लिए भी निर्देशित किया था । बावजूद इसके वर्तमान समय में निर्देशों का पूरी तरह पालन नहीं हो रहा है। शिवलिंग पर तय मात्रा से अधिक भांग लगाई जा रही है। यही कारण है कि मुखौटा टूटकर गिर गया। अप्राकृतिक घटना के संकेत इस घटना को लेकर देश के प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्य अमर त्रिवेदी का कहना है कि यह एक अप्राकृतिक घटना का संकेत है। इस घटना के पीछे दो अलग-अलग मत है। देवता जिस भी सामग्री को पसंद करते हैं, उसे वह स्वीकार करते हैं और यदि किसी सामग्री में त्रुटि या श्रद्धा ना हो या अच्छी मानसिकता से ना बनाई गई हो या उसमें धर्म का प्रभाव ना हो तो वे सामग्री को त्याग देते हैं। ये हैं वैज्ञानिक कारण ज्योतिषाचार्य के अनुसार वैज्ञानिकता की बात करें तो पत्थरों की अपनी आद्रता होती है। पत्थरों में आंतरिक आद्रता और आंतरिक उष्णता रहती है। जब बाहरी आद्रता व उष्णता वाली भांग पत्थर पर लगाई जाती है तो कभी-कभी उसके गिरने की संभावना बनती है। यहां एक प्रकार से ऋतु परिवर्तन के संकेत भी हैं। भविष्य में बाढ़ और जल की स्थिति दिखेगी। आप्राकृतिक घटना के भी संकेत हैं। शिवलिंग के श्रृंगार का जिक्र नहीं धर्म के ज्ञाता, महर्षि पाणिनि वेद विद्या संस्थान के पूर्व कुलपति और पूर्व संभागायुक्त डॉ मोहन गुप्त ने इस घटना को लेकर कहा कि हिंदू धर्म में शिवलिंग पर भांग के श्रृंगार का किसी भी शास्त्र में कोई उल्लेख नहीं मिलता है। शुरू से इस बात का विरोध हुआ है। महाकाल के शिवलिंग पर भांग का श्रृंगार नहीं किया जाना चाहिए। शिव पुराण और लिंग पुराण में भी कहीं उल्लेख नहीं है। ऐसी कोई भी परंपरा नहीं रही है। भांग के श्रृंगार से शिवलिंग का क्षरण होता है । कई घंटे तक भांग का शिवलिंग पर लगे रहना क्षरण पैदा करता है। पंडित-पुजारी नहीं मान रहे बात शास्त्र का आधार पंडित पुजारी नहीं मान रहे हैं । अब श्रृंगार अपने आप गिर गया है। यह संकेत है कि खुद महाकाल इसे स्वीकार नहीं कर रहे हैं। भांग का श्रंगार उचित नहीं है इसे बंद किया जाना चाहिए। अब प्रशासन और पंडित पुजारी को सोचना चाहिए। यह उचित नहीं है।  

राज्यपाल पटेल ने प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभार्थियों से की मुलाकात

भोपाल राज्यपाल मंगुभाई पटेल गुरुवार को सिवनी जिले की कुरई विकासखण्ड के ग्राम थांवरझोड़ी प्रवास के दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना के हितग्राही राजेन्द्र कुमार उइके के घर पहुँचें। उन्होंने परिवारजनों से आत्मीय चर्चा की। राज्यपाल पटेल ने राजेन्द्र कुमार और परिजनों से शासन की योजनाओं के मिले लाभ की जानकारी ली। उनके जीवन में आए सकारात्मक बदलावों को जाना। राज्यपाल पटेल ने राजेन्द्र कुमार उइके के बेटों को मेहनत कर परिवार और समाज को आगे बढ़ाने की दिशा में कार्य करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि सभी नागरिक शासन की योजना का लाभ लेकर समाज की मुख्य धारा से जुडे़ं। उन्होंने उपस्थित ग्रामीणों से बच्चों की शिक्षा, स्वास्थ्य और स्वच्छता पर विशेष ध्यान देने का आग्रह किया। इस अवसर पर विधायक बरघाट कमल मर्सकोले, विधायक सिवनी दिनेश राय, श्रीमती मीना बिसेन, कलेक्टर सुसंस्कृति जैन, पुलिस अधीक्षक सुसिमाला प्रसाद, सीईओ जिला पंचायत नवजीवन विजय सहित जनप्रतिनिधि और अधिकारी उपस्थित रहे।  

बेनामी संपत्ति जांच: आयकर विभाग की बड़ी कार्रवाई, सौरभ शर्मा के रिश्तेदारों पर नजर

भोपाल  मध्य प्रदेश के बहुचर्चित आरटीओ के पूर्व आरक्षक और धनकुबेर कहे जाने वाले सौरभ शर्मा केस में आयकर विभाग ने भ्रष्टाचार मामले में अपनी कार्रवाई और कड़ी कर दी है। सौरभ शर्मा, उनके सहयोगी चेतन सिंह गौर, शरद जायसवाल और उनकी कंपनी अविरल बिल्डिंग एंड कंस्ट्रक्शन की कई संपत्तियों को बेनामी संपत्ति प्रतिषेध अधिनियम, 1988 के तहत पहले ही अटैच की जा चुकी हैं। अब आयकर विभाग की बेनामी विंग सौरभ शर्मा के रिश्तेदारों के नाम पर खरीदी संपत्तियों की गहन जांच में जुट गई है। अबतक की जांच से पता चला है कि, सौरभ शर्मा ने अपनी अवैध कमाई को बेनामी संपत्तियों में निवेश कर रखा है, जिसमें उनकी मां उमा शर्मा, पत्नी दिव्या तिवारी, जीजा और अन्य रिश्तेदारों के नाम पर जमीन और प्रॉपर्टी खरीदी गई है। आयकर विभाग ने भोपाल, ग्वालियर और इंदौर में इन संपत्तियों की जानकारी जुटानी शुरू कर दी है। सूत्रों की मानें तो सौरभ के जीजा और उनके परिवार की संपत्तियों को भी अटैच करने की तैयारी की जा रही है। अबतक ये कार्रवाई हुई आपको बता दें कि, दिसंबर 2024 में लोकायुक्त पुलिस ने सौरभ शर्मा के घर और दफ्तर में छामामार कार्रवाई कर 2.95 करोड़ रुपए नकद, 234 किलो चांदी और 50 लाख की सोने-हीरे के जेवरात बरामद किए थे। यही नहीं, आयकर विभाग ने भोपाल से सचे मेंडोरी गांव में एक एसयूवी से 52 किलो सोना और 11 करोड़ रुपए नकद जब्त किए थे, जो सौरभ के सहयोगी चेतन सिंह गौर की गाड़ी से बरामद हुए थे। प्रवर्तन निदेशालय यानी ईडी ने भी इस मामले में मनी लॉन्ड्रिंग की जांच शुरू कर 92.07 करोड़ की संपत्तियों को अटैच किया था।

मध्य प्रदेश में अगले 24 घंटे अहम, 12 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी

भोपाल  मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में फिर से मानसून सक्रिय हो गया है। मानसून की सक्रियता की वजह से कई जिलों में झमाझम बारिश हो रही है। राजधानी भोपाल में भी सुबह से बादल छाए हुए हैं। साथ ही रात में बारिश भी हुई है। मौसम विभाग के अनुसार मध्य प्रदेश में एक मजबूत सिस्टम सक्रिय है। गुरुवार को मौसम विभाग ने प्रदेश के 12 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। 2 से 4 इंच तक बारिश यहां हो सकती है।मप्र में अब तक औसत 32.4 इंच बारिश हो चुकी है, जो मानसूनी कोटे की 87 प्रतिशत है। प्रदेश से एक मानसून ट्रफ के गुजरने के चलते बुधवार को भी बारिश का दौर रहा। कई जिलों में पानी गिरा। वहीं, गुरुवार को कुल 12 जिलों में भारी बारिश का यलो अलर्ट है। इन 12 जिलों में अलर्ट जारी मौसम विभाग ने गुरुवार को 12 जिलों में भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में नीमच, मंदसौर, आगर-मालवा, राजगढ़, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, श्योपुर, उमरिया, शहडोल, डिंडौरी और अनूपपुर शामिल हैं। यहां ढाई से साढ़े 4 इंच तक पानी गिर सकता है। नर्मदापुरम में तवा डैम के 13 गेटों में से 7 गेट आज भी खुले हुए हैं। कल बुधवार सुबह 6:30 बजे से डैम के 5 गेट खोले गए थे। उसके बाद 2 और गेट खोल दिए गए। रतलाम में केदारेश्वर महादेव मंदिर का झरना सीजन में तीसरी बार बह निकला। मंदिर परिसर में पानी ही पानी हो गया। डिंडौरी और शिवपुरी में भी सुबह से बारिश हो रही है। इससे पहले बुधवार को रतलाम, दमोह में भारी बारिश हुई। भोपाल, इंदौर, जबलपुर, ग्वालियर-उज्जैन समेत 30 से ज्यादा जिलों में बारिश हुई। जिन जिलों में अगले 24 घंटे के दौरान बारिश होने की संभावना है, उनमें नीमच, मंदसौर, आगर-मालवा, राजगढ़, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, श्योपुर, उमरिया, शहडोल, डिंडौरी और अनूपपुर जिले शामिल हैं। यहां ढाई से साढ़े 4 इंच पानी गिर सकता है। 21 अगस्त को भारी बारिश का यलो अलर्ट मौसम विभाग की मानें तो, 21 अगस्त को एमपी के नीमच, मंदसौर, आगर-मालवा, राजगढ़, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, श्योपुर, उमरिया, शहडोल, डिंडौरी और अनूपपुर में भारी बारिश(Heavy Rain) का यलो अलर्ट जारी किया है। यहां अगले 24 घंटे में साढ़े 4 इंच तक पानी गिर सकता है। वहीं प्रदेश के अन्य जिलों में गरज-चमक और हल्की बारिश का अलर्ट है। 22 और 23 अगस्त को भारी बारिश का अलर्ट मौसम विभाग के मुताबिक, 22 अगस्त को एमपी के नीमच, मंदसौर, रतलाम, आगर-मालवा, राजगढ़, गुनी, शिवपुरी, श्योपुर, सीधी और सिंगरौली में भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। वहीं प्रदेश के अन्य जिलों में गरज-चमक और हल्की बारिशHeavy Rain) का यलो अलर्ट है। वहीं 23 अगस्त को ग्वालियर मुरैना, श्योपुर, भिंड, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, मैहर, रीवा, मऊगंज, सीधी और सिंगरौली में भारी बारिश(Heavy Rain) का यलो अलर्ट जारी किया गया है। क्यों हो रही तेज बारिश? मौसम विभाग ने बताया कि इस समय मानसून ट्रफ बैतूल और मंडला से गुजर रही है. इसके अलावा, दो साइक्लोनिक सकुर्लेशन सिस्टम का असर भी प्रदेश के मौसम पर पड़ रहा है. यही वजह है कि लगातार तेज बारिश का दौर जारी है. यहां हल्की बारिश की संभावना इसके अलावा, मध्य प्रदेश के अन्य जिलों में भी हल्की बारिश होने की संभावना है। मध्य प्रदेश में अब तक औसत 32.4 इंच बारिश हो चुकी है, जो सामान्य से 87 प्रतिशत अधिक है। मौसम विभाग ने 22 और 23 अगस्त को भी कई जिलों में तेज बारिश का अलर्ट जारी किया है। रतलाम में सबसे अधिक बारिश वहीं, बुधवार को रतलाम में 3 इंच बारिश हुई। प्रदेश के कई जिलों में तेज बारिश का दौर जारी रहा। रतलाम में 9 घंटे में लगभग 3 इंच बारिश हुई, जिससे सड़कों पर पानी भर गया। दमोह में ढाई इंच बारिश दर्ज की गई। इसी तरह इंदौर, गुना, ग्वालियर, खंडवा, खरगोन, बड़वानी, भोपाल, नरसिंहपुर, उज्जैन, बैतूल, टीकमगढ़, छतरपुर, रायसेन, नर्मदापुरम, शाजापुर, आगर-मालवा, छिंदवाड़ा, जबलपुर, रीवा, सागर, सतना, सीधी, नरसिंहपुर, उमरिया, बालाघाट, राजगढ़, विदिशा, देवास में कहीं तेज तो कहीं हल्की बारिश हुई। मौसम विभाग के अनुसार, बैतूल और मंडला से एक मानसून ट्रफ गुजर रही है। इसके साथ ही, दो साइक्लोनिक सर्कुलेशन भी बने हुए हैं। इस वजह से प्रदेश में बारिश का दौर जारी है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में भी बारिश की संभावना जताई है। एमपी में झमाझम बारिश से हाल बेहाल, प्रदेश में अब तक 32.4 इंच बारिश दर्ज मौसम विभाग ने 22 और 23 अगस्त को भी प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश की संभावना जताई है. राजधानी भोपाल में भी बुधवार को झमाझम बारिश देखने को मिली थी, जिससे निचली बस्तियों में पानी भर गया और जगह-जगह ट्रैफिक जाम की स्थिति बन गई. प्रदेश में अब तक 32.4 इंच बारिश दर्ज हो चुकी है. यह सामान्य औसत से करीब 87% है. अगर आने वाले दिनों में इसी तरह बारिश होती रही तो जल्दी ही प्रदेश का बारिश का पूरा कोटा पूरा हो जाएगा.

इंदौर में फिर उतरी मेघालय पुलिस, राजा रघुवंशी हत्याकांड पर DCP से की बातचीत

इंदौर इंदौर के ट्रांसपोर्टर राजा रघुवंशी हत्याकांड में सनसनीखेज खुलासा हुआ है। हत्या की साजिश रचने वाली पत्नी सोनम रघुवंशी और उसके प्रेमी राज कुशवाह ने मौत का ब्लूप्रिंट बनाने के लिए हत्याकांड से पहले नए मोबाइल खरीदे थे। हत्याकांड के बाद सोनम की कॉल डिटेल से खुलासा हुआ था कि राजा को ठिकाने लगाने के लिए सोनम की राज और उसके साथियों से मोबाइल पर लगातार बातचीत और चैटिंग हो रही थी। हत्या के बाद ये मोबाइल बंद हो गए थे। बस इसी मामले में शिलॉन्ग पुलिस की तीन सदस्यीय टीम इंदौर आई है। मिली जानकारी के अनुसार, मोबाइल खरीद को लेकर शिलॉन्ग पुलिस कुछ और जानकारियां इकट्ठा करना चाहती है। इस मामले की जानकारी देते हुए डीसीपी क्राइम राजेश कुमार त्रिपाठी ने बताया कि शिलॉन्ग पुलिस का एक दल इंदौर आया है। अपराध शाखा की टीम भी जांच में साथ है। आज शिलॉन्ग पुलिस की टीम कुछ जगह जाएगी। उल्लेखनीय है कि सहकार नगर, केट रोड निवासी राजा रघुवंशी (30) की उसकी पत्नी सोनम रघुवंशी ने प्रेमी राज कुशवाहा के साथ साजिश कर आनंद, विशाल और आकाश से शिलांग में हत्या करवा दी थी। शिलांग की ईस्ट खासी हिल्स पुलिस को जांच के दौरान पता चला कि सोनम और राज ने राजा को ठिकाने लगाने के लिए नए मोबाइल फोन खरीदे थे। इनके जरिए आरोपी एक-दूसरे के संपर्क में थे। मिली जानकारी के अनुसार राज, साथी हत्यारों से पल-पल की जानकारी ले रहा था। शिलॉन्ग पुलिस की जांच में ये बात सामने आई है। हालांकि शिलॉन्ग पुलिस की विवेचना पूरी हो गई है। चालान डायरी कोर्ट में पेश करने की तैयारी है। इस बीच मोबाइल खरीदी का पेंच फंसने पर चालान पेश करने से पहले कुछ जरुरी तहकीकात करने शिलॉन्ग पुलिस ने कल इंदौर में डेरा डाला है।