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अब स्पीड पोस्ट पर मिलेगी बचत, 1 नवंबर से समय में भी बदलाव

भोपाल  डाक विभाग युवाओं के लिए बड़ी खुशखबरी सामने लेकर आया है। जानकारी के लिए बता दें कि डाक विभाग की प्रीमियम सेवा स्पीड पोस्ट के प्रति आकर्षित करने के लिए बुकिंग कराने पर 10 प्रतिशत की छूट प्रदान करने जा रहा है। इसके लिए विभाग छूट योजना लेकर आया है। इसमें अगर युवा 100 रुपए की स्पीड पोस्ट बुक कराता है तो उसे 10 रुपए की छूट मिलेगी। विभाग की युवा हितैषी योजना एक नवंबर से प्रारंभ होगी। विभागों ने प्रधान डाकघरों में डाक और पार्सल बुकिंग का समय रात्रि आठ बजे तक कर दिया है। वहीं छात्रों को शैक्षणिक या भर्ती संबंधित स्पीड पोस्ट पर छूट मिलेगी। छूट के दायरे में विद्यार्थी, ये होंगे नियम -डाक पर प्रेषक में छात्र का नाम होना चाहिए और छात्र को अपनी आइडी दिखानी होगी।   -प्राप्तकर्ता कोई मान्यता प्राप्त शैक्षणिक संस्थान या भर्ती एजेंसियां या अन्य समकक्ष होनी चाहिए। -स्पीड पोस्ट बुकिंग के समय छात्र को मान्यता प्राप्त संस्थान द्वारा जारी अपना आइडी प्रस्तुत करना होगा। -प्रत्येक डाक लिफाफे पर स्पष्ट रूप से विद्यार्थी डाक (स्टूडेंट मेल) लिखा होना चाहिए।

अब हर नागरिक बन सकता है ट्रैफिक प्रहरी, बस QR कोड स्कैन करें इस शहर में

इंदौर  स्वच्छता के क्षेत्र में देशभर में नंबर-1 रहने के बाद अब मध्य प्रदेश के आर्थिक नगर इंदौर की ट्रैफिक व्यवस्था सुधार की दिशा में कदम बढ़ा रहा है। यातायात पुलिस ने नागरिकों की सहभागिता से ट्रैफिक को सुव्यवस्थित करने के लिए नया अभियान 'ट्रैफिक प्रहरी' शुरू किया है। डीसीपी (प्रभारी ट्रैफिक) आनंद कलादगी ने अभियान की शुरुआत करते हुए क्यूआर कोड लांच किया। इसके माध्यम से नागरिक गूगल फॉर्म भरकर अपनी सुविधा अनुसार समय व स्थान चुनकर 'ट्रैफिक प्रहरी' के रूप में जुड़ सकते हैं। इस अवसर पर एडिशनल डीसीपी संतोष कुमार कौल, एसीपी मनोज कुमार खत्री, एसीपी हिंदू सिंह मुवेल, यातायात पुलिस अधिकारी, सामाजिक संस्थाओं के प्रतिनिधि और जिमेदार नागरिक मौजूद रहे। कलादगी ने बताया, पुलिस कमिश्नर संतोष कुमार सिंह के मार्गदर्शन और एडिशनल पुलिस कमिश्नर आरके सिंह के निर्देशन में ट्रैफिक पुलिस लगातार अभियान चला रही है। उन्होंने कहा कि इस पहल का मकसद नागरिकों को ट्रैफिक प्रबंधन और नियम पालन की प्रक्रिया में सीधे तौर पर शामिल करना है। जो नागरिक 'ट्रैफिक प्रहरी' के रूप में कार्य करेंगे उन्हें पुलिस की ओर से सिटी, लाइट बैटन, जैकेट और बैज प्रदान किए जाएंगे। उत्कृष्ट कार्य करने वाले प्रहरियों को साप्ताहिक और मासिक समान समारोह में पुरस्कृत किया जाएगा। आमजन की सहभागिता से शहर का ट्रैफिक सुधारने में मदद मिलेगी।  

वंदे भारत ट्रेन भोपाल-लखनऊ मार्ग पर, शेड्यूल और टाइमिंग कब मिलेगी जानकारी

भोपाल  भोपाल से लखनऊ जाने वाली वंदे भारत ट्रेन के लिए यात्रियों को अभी और इंतजार करना होगा। रेलवे की अधूरी तैयारियों के चलते फिलहाल इस ट्रेन का शेड्यूल जारी नहीं किया जा रहा है। बता दें कि रानी कमलापति रेलवे स्टेशन परिसर में वंदे भारत एक्सप्रेस जैसी आधुनिक ट्रेनों की सफाई, सर्विसिंग और तकनीकी जांच के लिए विशेष वाशिंग पिट लाइन का निर्माण किया जा रहा है। यह पिट खासतौर पर वंदे भारत श्रेणी की ट्रेनों के रखरखाव के लिए डिज़ाइन की गई है। वॉशिंग पिट निर्माण का काम अंतिम चरण में है। इसे पूरा होने में दो महीने का समय और लगेगा। इसके तैयार होते ही भोपाल से लखनऊ के बीच चलने वाली नई 15-सिटिंग कोच वाली वंदे भारत एक्सप्रेस पटरी पर दौड़ने लगेगी। भोपाल-लखनऊ वंदे भारत एक्सप्रेस की घोषणा पहले ही की जा चुकी है। ट्रेन का रूट, समय-सारणी और कोच डिजाइन भी तय हो चुके हैं। यह ट्रेन पूरी तरह सिटिंग व्यवस्था वाली होगी। इससे यात्रियों को आरामदायक यात्रा का अनुभव मिलेगा। फिलहाल इसके संचालन में विलंब सिर्फ इसलिए है क्योंकि वंदे भारत जैसी हाई-स्पीड ट्रेन के लिए विशेष तकनीकी और सफाई सुविधाएं आवश्यक हैं। भोपाल मंडल के डीआरएम पंकज त्यागी ने बताया कि रानी कमलापति स्टेशन पर वंदे भारत ट्रेनों की मेंटेनेंस के लिए यह वाशिंग पिट जरूरी है। निर्माण कार्य तेज़ी से चल रहा है। कार्य पूरा होते ही शेड्यूल जारी किया जाएगा।

उज्जैन का महाकाल मंदिर अब और सख्त: विशेष दर्शन पर पुजारियों की अनुमति रद्द

उज्जैन  मध्य प्रदेश की धर्म नगरी उज्जैन में स्थित महाकाल मंदिर की प्रबंधक कमेटी की  बैठक हुई। बैठक में कार्तिक अगहन सवारी की तैयारियों पर चर्चा हुई। इसके बाद गर्भ गृह में तीन दिन पहले हुए महंत और पुजारी विवाद की रिपोर्ट के आधार पर प्रशासन ने दोनों पर 15 दिन तक विशेष दर्शन पर प्रतिबंध लगा दिये हैं। कार्तिक अगहन में निकलने वाली बाबा महाकाल की सवारी को लेकर शनिवार शाम मंदिर प्रबंध समिति की बैठक की गई। बैठक में 22 अक्टूबर को मंदिर के गर्भगृह में ऋणमुक्तेश्वर के महंत और महावीर नाथ के पुजारी महेश शर्मा के बीच हुए विवाद की जांच के लिए तीन सदस्यीय कमेटी द्वार पेश रिपोर्ट के आधार पर समिति ने बड़ा फैसला लिया है। कमेटी के फैसले के तहत दोनों 15 दिन तक विशेष मार्ग से मंदिर में प्रवेश नहीं कर सकेंगे और न ही गर्भगृह में प्रवेश कर पूजा कर सकेंगे। दोनों सिर्फ आम दर्शनार्थी की तरह मंदिर में दर्शन कर सकेंगे। मंदिर समिति के इस निर्णय के बाद विवाद को खत्म माना जा रहा है। क्या है विवाद का कारण? दरअसल, 22 अक्टूबर की सुबह महंत महावीर नाथ गोरखपुर से आए संत शंकरनाथ के साथ महाकाल मंदिर में दर्शन करने गए थे। यहां महंत के सिर पर फेटा देख पुजारी शर्मा ने उन्हें टोक दिया। इसी बात शुरु हुए विवाद में दोनों गर्भगृह में ही भिड़ गए। मामले को तूल पकड़ता देख प्रशासक प्रथम कौशिक ने 3 सदस्यीय कमेटी बनाकर जांच के आदेश दिए, जिसकी रिपोर्ट सामने आने के बाद इस मामले में कारवाई हुई है। बता दें कि दोनों के विवाद से मंदिर की साख प्रभावित होने की बात कही जा रही है।   सवारी में महाकाल बैंड रहेगी मुख्य आकर्षण कलेक्टर रोशन सिंह ने बताया कि, आज 27 अक्टूबर से बाबा महाकाल की कार्तिक-अगहन माह की सवारी शुरू हो रही है। सवारी के इंतजाम और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर मंदिर प्रबंध समिति की बैठक ली गई। बैठक में सभी विभागों को उनकी जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। खासतौर पर सवारी में पहली बार शामिल होने वाला महाकाल बैंड मुख्य आकर्षण का केंद्र रहेगा। 3 नवंबर को सवारी के साथ हरिहर मिलन होगा, जिसमें अनुमति वाली आतिशबाजी की जा सकेगी।    

Ladli Behna Yojana: निराश होने की जरूरत नहीं! नया आवेदन करने का स्टेप-बाय-स्टेप गाइड और जरूरी डॉक्यूमेंट्स

भोपाल  लाडली बहना योजना(Ladli Behna Yojana) , मध्य प्रदेश सरकार द्वारा महिलाओं को आर्थिक मदद देने के लिए एक योजना है। इस योजना का लक्ष्य 21 से 60 साल की उम्र की आर्थिक रूप से कमजोर शादीशुदा, तलाकशुदा या छोड़ी गई महिलाओं को सशक्त बनाना है। लाभार्थियों को यह नकद राशि डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के जरिए सीधे उनके आधार से जुड़े बैंक खातों में मिलेगी। मध्य प्रदेश सरकार ने हाल ही में इसमें कुछ सुधार किए हैं, जैसे कि मासिक सहायता राशि में बढ़ोतरी और त्योहारों पर बोनस। आप आधिकारिक पोर्टल या स्थानीय सरकारी केंद्रों के माध्यम से ऑनलाइन या Offline आवेदन कर सकते हैं। साल 2023 में हुआ था शुरू लाडली बहना योजना मध्य प्रदेश सरकार की एक महत्वाकांक्षी वेलफेयर स्कीम है, जिसे मई 2023 में महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा शुरू किया गया था। इस योजना का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना और उन्हें वित्तीय स्वतंत्रता देना है। योजना के तहत योग्य महिलाओं को हर महीने डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के ज़रिए उनके बैंक अकाउंट में आर्थिक सहायता भेजी जाती है।   कैसे कर सकते हैं अप्लाई लाडली बहना योजना के लिए आवेदन करने के लिए इच्छुक महिलाएं आधिकारिक पोर्टल cmladlibahna.mp.gov.in पर जा सकती हैं। इसके अलावा आवेदन ऑफलाइन भी किया जा सकता है। ग्राम पंचायत, सेवा केंद्र, आंगनवाड़ी केंद्र या कैम्प साइट्स पर जाकर फॉर्म भरे और जमा किए जा सकते हैं। लाडली बहना योजना 2025 में फॉर्म कैसे भरें? लाडली बहना योजना में आवेदन करने के लिए नीचे दिए गए स्टेप्स फॉलो करें: आधिकारिक पोर्टल या नज़दीकी सरकारी केंद्र पर जाएं. ऑनलाइन आवेदन के लिए समग्र आईडी और आधार कार्ड का उपयोग करके लॉगिन करें. नए आवेदकों को पहले रजिस्ट्रेशन करना होगा, जबकि पुराने यूज़र सीधे लॉगिन कर सकते हैं. आवेदन फॉर्म में सभी जरूरी जानकारी भरें. आवश्यक दस्तावेज अपलोड करें. फॉर्म सबमिट करें और एप्लीकेशन नंबर सुरक्षित रखें. ऑफलाइन आवेदन के लिए फोटो और रसीद कैम्प साइट पर जमा करनी होती है. लाडली बहना योजना पात्रता (Eligibility) आवेदक मध्य प्रदेश का स्थायी निवासी होना चाहिए. महिला की उम्र 21 से 60 साल के बीच होनी चाहिए. महिला शादीशुदा, तलाकशुदा या छोड़ी गई हो सकती है. परिवार की वार्षिक आय 2.5 लाख रुपये से कम होनी चाहिए. परिवार के पास 5 एकड़ से अधिक जमीन, ट्रैक्टर या चारपहिया वाहन नहीं होना चाहिए. जरूरी दस्तावेज (Required Documents) आधार कार्ड (e-KYC वेरिफाइड हो तो बेहतर) समग्र आईडी / परिवार आईडी आय प्रमाण पत्र निवास प्रमाण पत्र बैंक पासबुक / अकाउंट डिटेल्स (DBT और आधार से लिंक्ड) राशन कार्ड और पासपोर्ट साइज फोटो समग्र से लिंक मोबाइल नंबर (OTP वेरिफिकेशन के लिए)

उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा- हिनौती गौधाम में संरक्षित शत प्रतिशत गौवंश का पंजीयन करायें

भोपाल  उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने निर्देश दिये कि हिनौती गौधाम में संरक्षित शत प्रतिशत गौवंश का आगामी तीन दिनों में पंजीयन सुनिश्चित करें। उन्होंने लगभग 1200 से अधिक गौवंश की गणना कर पंजीयन कराने के निर्देश दिये। उप मुख्यमंत्री ने न्यू सर्किट हाउस राजनिवास में आयोजित बैठक में हिनौती गौधाम में निर्णाणाधीन कार्यों की अद्यतन स्थिति की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने प्रशासनिक भवन सहित सुरभि, कपिला व कामधेनु कूल गौशेड के निर्माण कार्यों को शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि जिन कार्यों के लिये प्रशासनिक स्वीकृति जारी की जा चुकी है उनमें शीघ्र राशि जारी करें जिससे कार्य में विलंब न हो। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि बसामन मामा गौवंश वन्य विहार में प्राकृतिक खेती को प्रारंभ कराया जाय। हिनौती गौधाम में गत दिनों कराये गये वृक्षारोपण की स्थिति तथा फेंसिंग कार्य की भी जानकारी उप मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों से प्राप्त की। बैठक में उन्होंने निर्देशित किया कि सभी कार्य शीघ्र पूर्ण करें तथा गुणवत्ता का पूरा ध्यान रखा जाय। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती नीता कोल, कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल, पूर्व विधायक केपी त्रिपाठी, अध्यक्ष नगर निगम श्री व्यंकटेश पाण्डेय, सीईओ जिला पंचायत मेहताब सिंह गुर्जर, एसडीएम अनुराग तिवारी सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।  

एमएसएमई मंत्री काश्यप ने कहा- खिलाड़ी भारतीय खेलों को बढ़ावा दें

भोपाल एमएसएमई मंत्री श्री चेतन्य कुमार काश्यप ने रविवार को विद्या भारती द्वारा आयोजित तीन दिवसीय अ.भा. जूडो, कुश्ती और कुराश प्रतियोगिता के विजेता खिलाड़ियों को पुरस्कार वितरित किए। प्रतियोगिता सरस्वती विद्या मंदिर शारदा विहार भोपाल में हुई। श्री काश्यप क्रीड़ा भारती के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष भी है। मंत्री श्री काश्यप ने उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए खिलाड़ियों की सराहना की और आह्वान किया कि वे भारत के परंपरागत खेलों को बढ़ावा दें। उन्होंने खेलों का महत्व बताते हुए कहा कि खेलों से स्वस्थ शरीर बनता है। स्वस्थ शरीर में स्वस्थ मस्तिष्क निवास करता है। खेलों से व्यक्तित्व का विकास होता है, इसलिए खेलना आवश्यक है। इसमें 22 राज्यों के 1100 खिलाड़ियों ने अपने प्रतिभा कौशल का प्रदर्शन किया। स्पर्धा के विजेता खिलाड़ी आगे एस.जी.एफ.आई. में विद्या भारती का प्रतिनिधित्व करेंगे। इस अवसर पर ग्राम भारती के प्रांतीय सचिव श्री वीरेंद्र सेंगर, विद्या भारती के पर्यवेक्षक श्री सतपाल सिंह, शारदा विहार समिति के सदस्य श्री राजेंद्र आर्य, प्रबंधक श्री राजेश तिवारी तथा विद्या भारती मध्य क्षेत्र के खेल सह संयोजक श्री मनीष वाजपेई उपस्थित रहे।  

उप मुख्यमंत्री शुक्ल करेंगे एक फॉरेस्ट ऑफिसर की डायरी का विमोचन

भोपाल  उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल सोमवार को सायं 4 बजे बहुउद्देशीय हॉल, फॉरेस्ट रेस्ट हाउस, चार इमली भोपाल में सेवानिवृत्त आईएफएस श्री एस.आर. रावत के अपने 37 वर्षों के सेवाकाल के जंगलों के खट्टे-मीठे संस्मरणों पर केन्द्रित पुस्तक "एक फॉरेस्ट ऑफिसर की डायरी'' का विमोचन करेंगे। इस अवसर पर वन राज्यमंत्री श्री दिलीप अहिरवार, प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं वन बल प्रमुख श्री व्ही.एन. अम्बाड़े और वन अधिकारी उपस्थित रहेंगे। भारतीय वन सेवा मध्यप्रदेश के सेवानिवृत्त प्रधान मुख्य वन संरक्षक श्री एस.आर. रावत के 37 वर्षों के सेवाकाल का यह संस्मरण एक जीवंत दस्तावेज है। 15 अध्याय की यह पुस्तक फॉरेस्ट कॉलेज की प्रशिक्षण अवधि से लेकर सेवानिवृत्ति तक की लगभग 4 दशकों की यात्रा का प्रमाणिक वर्णन प्रस्तुत करती है। पुस्तक में प्रकृति के सान्निध्य में बिताए गये अविस्मरणीय क्षणों, वन्य-जीवों, विविध मैदानी चुनौतियों के प्रत्यक्ष अनुभवों का व्यापक चित्रण छोटी-छोटी सच्ची कहानियों के माध्यम से किया गया है। पुस्तक में लेखक महाराष्ट्र, मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ के विविध वन क्षेत्रों में किये गये वानिकी कार्यों और संरक्षण प्रयासों से जुड़े अपने गहन अनुभव से अवगत कराते हैं।  

मन की बात कार्यक्रम-विविधता से भरे भारत का प्रस्तुत करती है लघु रूप

कोटरा स्थित कमला नेहरु उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में नागरिकों को दिलाई स्वदेशी की शपथ भोपाल  प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के मन की बात के प्रसारण का मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कोटरा सुल्तानाबाद स्थित कमला नेहरु उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में स्थानीय निवासियों के साथ श्रवण किया। साथ ही कार्यक्रम में उपस्थित जन समुदाय को स्वदेशी की शपथ दिलाई। मन की बात कार्यक्रम के प्रसारण के बाद अपने संबोधन में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी ने अपने कार्यों और नवाचारों के आधार पर देश में सकारात्मक ऊर्जा का संचार किया है। मन की बात कार्यक्रम भारत का लघु रूप प्रस्तुत करती है। विविधता से भरे देश के विभिन्न राज्यों में क्या नया हो रहा है, यह इस कार्यक्रम से संक्षेप में ज्ञात होता है। राज्यों के कई नवाचार अनुकरणीय और प्रेरक होते हैं। इस संदर्भ में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने आज के मन की बात कार्यक्रम के 127वें एपिसोड में प्रधानमंत्री श्री मोदी द्वारा संस्कृत भाषा के प्रति युवाओं की बढ़ती रूचि का विशेष रूप से उल्लेख किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री श्री मोदी की पहल पर गुजरात में केवड़िया धाम पर्यटन के सुंदर और आकर्षण केंद्र के रूप में विकसित हुआ है। सरदार वल्लभ भाई पटेल की 150वीं जयंती पर कई कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। राज्य सरकार का दल भी इन कार्यक्रमों में सहभागिता करेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने छठ पूजा की बधाई देते हुए कहा कि यह पर्व भारतीय परिवार परम्परा की सशक्त अभिव्यक्ति है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश स्थापना दिवस पर होने वाले कार्यक्रमों में सम्राट विक्रमादित्य पर केंद्रित महानाट्य की प्रस्तुति भी होगी। कार्यक्रम पूर्ण भव्यता के साथ 5 मंचों पर किया जाएगा। यह भोपाल में उस युग को पुनः जीवंत करने का प्रयास है। सम्राट विक्रमादित्य के जन्म से लेकर उनके राज्यारोहण तक की सभी गाथाओं को एक सूत्र में पिरोया गया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने उपस्थित जनसमुदाय से स्थापना दिवस के कार्यक्रमों में उत्साह के साथ सहभागिता करने का आहवान किया। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि 'मन की बात' कार्यक्रम में देश राष्ट्रगीत वंदे मातरम की रचना के 150 में वर्ष में प्रवेश कर रहा है। इस अवसर पर देशभर में वृहद स्तर पर राष्ट्रभक्ति से प्रेरित आयोजन किए जाएंगे। उन्होंने 15 नवंबर को भगवान बिरसा मुंडा की जयंती का उल्लेख करते हुए कहा कि इसे जनजाति गौरव दिवस के रूप में मनाया जाएगा। उन्होंने युवाओं से भारतीय जनजाति गौरव के प्रतीक रहे महापुरुषों के जीवन पर आधारित साहित्य और पुस्तकों का अध्ययन कर उनके संघर्षों को जानने समझने का आहवान किया। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने भारत में संस्कृत को प्रोत्साहित करने वाले अनेक सोशल मीडिया इनफ्लुएंसर का उल्लेख करते हुए उनके कार्यों की सराहना की। उन्होंने कहा कि भाषा किसी भी परंपरा के मूल्यों की वाहक होती है और संस्कृत ने यह कार्य वर्षों तक बखूबी किया है। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने बताया कि भारतीय नस्ल के श्वानों को भारतीय सुरक्षा एंजेसियों की गतिविधियों में शामिल किया जा रहा है। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने विश्व में लोकप्रिय हो रही भारतीय कॉफी की भी चर्चा की।  

उज्जैन शहर में मेट्रो का नया चेहरा: 5 किमी भूमिगत मार्ग का प्लान जल्द होगा सार्वजनिक

इंदौर इंदौर से उज्जैन के बीच मेट्रो चलाने पहले डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार हो गई है। इसे तैयार करने वाली दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (डीएमआरसी) नवंबर के पहले सप्ताह में मेट्रो के अधिकारियों की समक्ष पेश करेगी। इसके बाद यह डीपीआर मंजूरी के लिए राज्य शासन को भेजी जाएगी। गौरतलब है कि पूर्व में प्रस्तावित मेट्रो प्रोजेक्ट के तहत इंदौर के लवकुश चौराहे तक 47 किलोमीटर हिस्से में ओवरहेड मेट्रो तैयार करने की योजना थी। इसकी प्रारंभिक रिपोर्ट तीन माह पहले तैयार हुई थी। सीएम के सुझाव पर मेट्रो के इस प्रोजेक्ट में कुछ फेरबदल किए है। इसके बाद डीएमआरसी अब डीपीआर प्रस्तुत करेगी। जानकारों के मुताबिक सीएम के सुझाव पर उज्जैन के अंदर पांच किलोमीटर का अतिरिक्त हिस्सा प्रोजेक्ट में बढ़ाया गया है। इसमें उज्जैन के इंजीनियरिंग कॉलेज से मेट्रो को अंडर ग्राउंड होगी और यह उज्जैन रेलवे स्टेशन के नीचे होते हुए आगर रोड पर एक किलोमीटर हिस्से में ओवरहेड हो जाएगी।   1500 करोड़ रुपये बढ़ेगी लागत पूर्व में प्रस्तावित इंदौर के लवकुश चौराहे से महाकाल मंदिर में 47 किलोमीटर के हिस्से के निर्माण पर 10 हजार करोड़ रुपये खर्च का आंकलन किया गया था। अब उज्जैन में पांच किलोमीटर का अंडर ग्राउंड का हिस्से बढ़ने पर 1500 करोड़ रुपये अतिरिक्त खर्च करना होंगे। अगले तीन माह में तैयार होगी इंदौर – पीथमपुर मेट्रो की डीपीआर इंदौर से पीथमपुर के बीच करीब 40 किलोमीटर में भी मेट्रो चलाने की योजना पर राज्य सरकार की मुहर लग चुकी है। डीएमआरसी इस हिस्से में मेट्रो चलाने के लिए दो माह पहले प्रारंभिक फिजिब्लिटी सर्वे रिपोर्ट तैयार हुई थी। इंदौर-उज्जैन की डीपीआर तैयार करने वाली दिल्ली मेट्रो रेल कार्पोरेशन कंपनी ही इंदौर-पीथमपुर रूट की डीपीआर अगले तीन माह में तैयार करेगी। 30 अक्टूबर को इंदौर मेट्रो के अंडर ग्राउंड हिस्से की उलझन खत्म होने की संभावना इंदौर में गांधी नगर से रेडिसन चौराहे तक दिसंबर माह के अंत मेट्रो चलाने की योजना बनाई जा रही है। बंगाली चौराहे से रीगल चौराहे तक मेट्रो का हिस्सा अंडर ग्राउंड होगा या ओवरहेड, इस पर उलझन बनी हुई है। ऐसे में 30 अक्टूबर को नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय सहित अन्य जनप्रतिनिधि, मुख्य सचिव व मेट्रो के अधिकारी इंदौर में बैठक कर इस हिस्से पर निर्णय लेंगे। ऐसे में इस हिस्से की उलझन जल्द खत्म होने की संभावना है। गौरतलब है कि यदि इस हिस्से को अंडर ग्राउंड किया जाता है तो उस पर एक हजार करोड़ रुपये अतिरिक्त खर्च आ रहा है। इस राशि को राज्य शासन को वहन करना होगा। यदि राज्य शासन इसके लिए तैयार होता है तो ही मेट्रो का यह हिस्सा अंडर ग्राउंड होगा।