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“परीक्षा पे चर्चा 2026” में पालकों की भागीदारी में छत्तीसगढ़ रहा प्रथम

रायपुर. पीएम नरेंद्र मोदी द्वारा परीक्षा को तनावमुक्त उत्सव के रूप में मनाने की पहल “परीक्षा पे चर्चा 2026” में छत्तीसगढ़ ने उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। छत्तीसगढ़ ने पालकों की भागीदारी में प्रथम स्थान हासिल कर पूरे देश में उदाहरण प्रस्तुत किया है। अब तक छत्तीसगढ़ से 25.16 लाख प्रतिभागियों ने पंजीयन किया है, जिनमें 22.75 लाख विद्यार्थी, 1.55 लाख शिक्षक और 81,533 पालक शामिल हैं। यह उपलब्धि राज्य में परीक्षा प्रबंधन, समय प्रबंधन, पालकों को अपने बच्चों को परीक्षा में अधिक अंक लाने हेतु अनावश्यक दबाव देने से बचने तथा उनके आत्मविश्वास को बढ़ाने के लिए किए जा रहे सुनियोजित प्रयासों को दर्शाती है। 'परीक्षा पे चर्चा' में पालकों की भागीदारी के मामले में छत्तीसगढ़ पूरे देश में प्रथम स्थान पर है। कुल पंजीयन के मामले में छत्तीसगढ़ राष्ट्रीय स्तर पर चौथे स्थान पर है। बलोदाबाजार जिले में 14,658 तथा सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में 9,952 पालकों द्वारा पंजीयन किया गया है, जो इस अभियान के प्रति अभिभावकों की बढ़ती जागरूकता, सहभागिता और विश्वास का स्पष्ट प्रमाण है। यह उपलब्धि केवल संख्यात्मक सफलता नहीं है, बल्कि यह परीक्षा के प्रति सामाजिक दृष्टिकोण में सकारात्मक बदलाव का भी संकेत देती है। इस उल्लेखनीय सफलता के पीछे राज्य में अपनाई गई नवाचारपूर्ण रणनीतियाँ महत्वपूर्ण रही हैं। जिला स्तरीय समीक्षा बैठकों के माध्यम से अधिकतम सहभागिता सुनिश्चित की गई, शिक्षक प्रशिक्षण केंद्रों पर ऑन-साइट पंजीयन की व्यवस्था की गई तथा युवा क्लब और “अंगना म शिक्षा कार्यक्रम” के माध्यम से समुदाय को बड़े पैमाने पर जोड़ा गया। सारंगढ़-बिलाईगढ़ में आयोजित “परीक्षा पे चर्चा मेला” से एक ही दिन में 10,000 से अधिक पंजीयन दर्ज हुए, जबकि इससे पहले प्रतिदिन औसत पंजीयन लगभग 1500 के आसपास था। पिछले प्रयासों के रूप में आयोजित शिक्षक-पालक सम्मेलन और मेगा पीटीएम ने भी अभिभावकों की सजगता और सहभागिता को नई दिशा दी है। परीक्षा पे चर्चा से जुड़े प्रेरक अनुभव भी लगातार सामने आ रहे हैं। पिछले वर्ष इस कार्यक्रम में शामिल हुई कु. युक्तामुखी ने अपने अनुभव साझा करते हुए इस वर्ष अधिक से अधिक विद्यार्थियों से पंजीयन कर अपने प्रश्न पूछने की अपील की है। उनका प्रेरक संदेश विद्यार्थियों में उत्साह, आत्मविश्वास और सक्रिय सहभागिता की भावना जागृत कर रहा है। इसी प्रकार सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में शीतकालीन अवकाश के दौरान आयोजित “परीक्षा पे चर्चा मेला” में सभी विद्यालयों, समुदाय, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों ने बड़ी संख्या में सहभागिता की और इस आयोजन के परिणामस्वरूप एक ही दिन में 10,000 से अधिक पंजीयन हुए। इस सफलता से प्रेरित होकर छत्तीसगढ़ के अन्य जिलों में भी परीक्षा पे चर्चा मेलों का आयोजन किया जा रहा है और लोग उत्साहपूर्वक इस अभियान से जुड़ रहे हैं। छत्तीसगढ़ में परीक्षा पे चर्चा में शिक्षकों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए शिक्षक प्रशिक्षण स्थलों पर ही पंजीयन की व्यवस्था की गई। प्रशिक्षण के दौरान शिक्षकों को पंजीयन प्रक्रिया विस्तारपूर्वक समझाई गई और वहीं पर पंजीयन कराने में सहयोग दिया गया, जिसके परिणामस्वरूप शिक्षकों द्वारा बहुत बड़ी संख्या में पंजीयन किया गया। पंजीयन प्रक्रिया 11 जनवरी 2026 तक खुली रहेगी और इस बात की पूरी संभावना है कि छत्तीसगढ़ में 30 लाख से अधिक पंजीयन का लक्ष्य प्राप्त कर लिया जाएगा। उल्लेखनीय है कि “परीक्षा पे चर्चा” प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी का वार्षिक संवाद कार्यक्रम है, जिसमें वे विद्यार्थियों, शिक्षकों और पालकों से सीधे संवाद करते हैं। इस संवाद में परीक्षा से जुड़ी चुनौतियों, तनाव प्रबंधन, आत्मविश्वास बढ़ाने के उपायों पर मार्गदर्शन दिया जाता है तथा पालकों को यह संदेश भी दिया जाता है कि वे अधिक अंक लाने के लिए अनावश्यक दबाव न डालें, बल्कि बच्चों का मनोबल और आत्मविश्वास बढ़ाएँ। यह पहल अब एक जन आंदोलन का रूप ले चुकी है और परीक्षा को तनाव का विषय न मानकर उत्सव के रूप में मनाने की व्यापक सामाजिक चेतना विकसित कर रही है। सामूहिक प्रयास का परिणाम – “परीक्षा पे चर्चा 2026 में छत्तीसगढ़ द्वारा प्राप्त की गई यह उपलब्धि पूरे राज्य के विद्यार्थियों, शिक्षकों और पालकों के सामूहिक प्रयास का परिणाम है। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी द्वारा परीक्षा को तनाव नहीं बल्कि उत्सव के रूप में मनाने का जो संदेश दिया गया है, उसे छत्तीसगढ़ ने दिल से अपनाया है। कुल पंजीयन में देश में चौथा स्थान और पालक सहभागिता में प्रथम स्थान प्राप्त करना इस बात का प्रमाण है कि हमारे यहां अभिभावकों में भी जागरूकता बढ़ी है और वे बच्चों पर अनावश्यक दबाव डालने के बजाय उनका आत्मविश्वास बढ़ाने के लिए आगे आ रहे हैं। मुझे विश्वास है कि इसी उत्साह के साथ हम 30 लाख से अधिक पंजीयन के लक्ष्य को भी प्राप्त करेंगे और परीक्षा को तनावमुक्त बनाने के इस अभियान को जनआंदोलन के रूप में आगे बढ़ाते रहेंगे।” – विष्णुदेव साय, मुख्यमंत्री

‘परीक्षा पे चर्चा 2026’ में छत्तीसगढ़ ने बनाई नई मिसाल, सीएम विष्णदेव साय बोले- राज्य बना रोल मॉडल

रायपुर  छत्तीसगढ़ में ‘परीक्षा पे चर्चा 2026’ के लिए आवेदन जारी हैं. अभिभावक 11 जनवरी तक आवेदन भर सकते हैं. देश में सबसे ज्यादा आवेदन छत्तीसगढ़वासियों ने भरे हैं. अब तक 81,533 से अधिक अभिभावकों ने सक्रिय भागीदारी दिखाई है. मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बताया कि राज्य ने परीक्षा को तनाव नहीं, बल्कि उत्सव बनाने की सोच अपनाई है. छत्तीसगढ़ इस मामले में देश का रोल मॉडल बन गया है. सीएम साय ने कहा कि पालक अब सिर्फ अंकों के दबाव में नहीं, बल्कि बच्चों के आत्मविश्वास और मानसिक सशक्तिकरण पर ध्यान दे रहे हैं.     परीक्षा को तनाव नहीं, उत्सव बनाने की सोच- छत्तीसगढ़ बना देश का रोल मॉडल।     ‘परीक्षा पे चर्चा 2026’ में पालक सहभागिता के पंजीयन में अब तक देश में प्रथम स्थान पर बने रहना छत्तीसगढ़वासी के लिए गर्व का विषय है।     81,533 से अधिक अभिभावकों की सक्रिय भागीदारी यह दर्शाती है कि हमारे पालक… प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में परीक्षा को सकारात्मक अनुभव बनाने के इस अभियान को छत्तीसगढ़ ने पूरी संवेदनशीलता के साथ लागू किया है. इस पहल में विद्यार्थी, शिक्षक और अभिभावक की साझा भागीदारी राज्य की सबसे बड़ी उपलब्धि है. अभिभावक 11 जनवरी 2026 तक आवेदन कर सकते हैं और इस अभियान को और मजबूत बना सकते हैं. मुख्यमंत्री साय का जनदर्शन कार्यक्रम रायपुर में 8 जनवरी को मुख्यमंत्री निवास पर CM साय जनता की समस्याएं सुनेंगे और छत्तीसगढ़वासियों से सीधा संवाद करेंगे. इस कार्यक्रम में जनता की समस्याओं का निराकरण भी किया जाएगा.

छत्तीसगढ़ में पारम्परिक भोजन को बढ़ावा दें धमतरी में पहली बार होगा मिलेट्स महोत्सव

धमतरी. जिले में पोषण सुरक्षा, किसान समृद्धि एवं सतत कृषि को बढ़ावा देने की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल करते हुए जिला प्रशासन द्वारा पहली बार “मिलेट्स महोत्सव” का आयोजन किया जा रहा है। कलेक्टर अबिनाश मिश्रा की विशेष पहल पर यह आयोजन 5 जनवरी 2026 को प्रातः 10 बजे कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित होगा। इस महोत्सव का मुख्य उद्देश्य किसानों, महिला स्व-सहायता समूहों एवं आम नागरिकों को मिलेट्स (श्रीअन्न) की खेती, पोषण मूल्य, स्वास्थ्य लाभ एवं विपणन संभावनाओं से व्यापक रूप से अवगत कराना है। यह आयोजन जिले को स्वस्थ समाज और आत्मनिर्भर कृषि की दिशा में एक नई पहचान दिलाने की ओर अग्रसर करेगा। महोत्सव के दौरान जिले में उत्पादित कोदो, कुटकी, रागी सहित विभिन्न प्रकार के मिलेट्स एवं उनसे तैयार पोषक, स्वादिष्ट और पारंपरिक व्यंजनों की आकर्षक प्रदर्शनी लगाई जाएगी। उपस्थित नागरिक इन व्यंजनों का स्वाद लेकर मिलेट्स आधारित खानपान को अपने दैनिक जीवन में अपनाने के लिए प्रेरित होंगे। इस अवसर को और भी गरिमामयी बनाते हुए पद्मश्री सम्मानित डॉ. खादर वल्ली विशेष रूप से उपस्थित रहेंगे। वे किसानों एवं नागरिकों को मिलेट्स के नियमित सेवन से होने वाले स्वास्थ्य लाभ, जीवनशैली में इसके महत्व, मधुमेह, हृदय रोग एवं पाचन संबंधी समस्याओं में इसकी भूमिका तथा वैज्ञानिक खेती एवं विपणन के अवसरों पर विस्तृत मार्गदर्शन प्रदान करेंगे। उल्लेखनीय है कि मिलेट्स में प्रचुर मात्रा में फाइबर, आयरन, कैल्शियम, प्रोटीन एवं आवश्यक खनिज तत्व पाए जाते हैं। यह फसल कम पानी में अधिक उत्पादन देने वाली, जलवायु अनुकूल एवं पर्यावरण संरक्षण में सहायक है, जिससे किसानों की लागत घटने के साथ उनकी आय में वृद्धि की संभावनाएं भी बढ़ती हैं। कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने जिले के कृषकों, महिला समूहों, युवाओं एवं आमजन से इस ऐतिहासिक मिलेट्स महोत्सव में अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर सहभागिता निभाने की अपील की है। उन्होंने कहा कि मिलेट्स को जन-आंदोलन का रूप देकर ही स्वस्थ समाज, समृद्ध किसान और सशक्त जिले की संकल्पना को साकार किया जा सकता है।

छत्तीसगढ़ में एसआई और प्लाटून कमांडर भर्ती के दस्तावेज सत्यापन व शारीरिक माप परीक्षण कल से

रायपुर. छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग द्वारा सूबेदार, उप निरीक्षक संवर्ग एवं प्लाटून कमांडर (गृह पुलिस विभाग) भर्ती परीक्षा 2024 के अंतर्गत अभ्यर्थियों के दस्तावेज़ सत्यापन एवं शारीरिक माप परीक्षण की तिथियाँ घोषित कर दी गई हैं। आयोग द्वारा जारी सूचना के अनुसार यह प्रक्रिया 06 जनवरी से 06 फरवरी 2026 तक आयोजित की जाएगी। दस्तावेज़ सत्यापन एवं शारीरिक माप परीक्षण परीक्षा जिला सरगुजा, बिलासपुर, दुर्ग, बस्तर, रायपुर एवं राजनांदगांव (छत्तीसगढ़) में निर्धारित केंद्रों पर संपन्न होगी। अभ्यर्थियों के लिए प्रातः 07:00 बजे रिपोर्टिंग समय निर्धारित किया गया है, जबकि शारीरिक माप परीक्षण प्रातः 08:00 बजे से प्रारंभ होगा। आयोग ने बताया कि उक्त परीक्षा हेतु प्रवेश पत्र दिनांक 26 दिसम्बर 2025 को जारी कर दिए गए हैं। अभ्यर्थी अपने प्रवेश पत्र आयोग की आधिकारिक वेबसाइटwww.psc.cg.gov-inसे डाउनलोड कर सकते है, एवं अन्य जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। आयोग द्वारा जानकारी दी गई है कि अभ्यर्थियों को पृथक से प्रवेश पत्र व्यक्तिशः नहीं भेजी जाएगी।

खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स का रायपुर और बिलासपुर में कल से होगा चयन ट्रायल

रायपुर. छत्तीसगढ़ की मेजबानी में देश में पहली बार हो रहे खेलो इंडिया नेशनल ट्राइबल गेम्स में राज्य की ओर से खेलने वाली टीमों के चयन के लिए ट्रायल 6 जनवरी से 8 जनवरी तक रायपुर और बिलासपुर में आयोजित किए जा रहे हैं। नेशनल ट्राइबल गेम्स में सात खेलों को शामिल किया गया है। इसमें भागीदारी के लिए वेट-लिफ्टिंग, कुश्ती, फुटबॉल और हॉकी के खिलाड़ियों का ट्रायल रायपुर में आयोजित किया गया है। वहीं तीरंदाजी, एथलेटिक्स और तैराकी के खिलाड़ियों के ट्रायल बिलासपुर में होंगे। इच्छुक खिलाड़ी मोबाइल नम्बर +91-8871419609 पर फोन कर या वेबसाइटhttp://sportsyw.cg.gov.inके माध्यम चयन ट्रायल संबंधी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। चयन ट्रायल में शामिल होने के लिए खिलाड़ी अपना ऑनलाइन पंजीयन क्यूआर कोड और रजिस्ट्रेशन लिंक से कर सकते हैं। सभी ट्रायलस्थलों पर ऑफलाइन पंजीयन भी किए जाएंगे। छत्तीसगढ़ के स्थायी निवासी अनुसूचित जनजाति वर्ग के खिलाड़ी ही चयन ट्रायल में भाग लेने के पात्र होंगे। महिला एवं पुरूष दोनों वर्गों में पात्र खिलाड़ियों के लिए आयु सीमा का कोई बंधन नहीं है। खेल एवं युवा कल्याण विभाग ने ट्रायल में हिस्सा लेने पहुंचने वाले सभी खिलाड़ियों से अपने अनुसूचित जनजाति प्रमाण पत्र और आधार कॉर्ड/स्थानीय प्रमाण पत्र की मूल कॉपी (Original Copy) साथ लाने को कहा है। रायपुर में होंगे वेट-लिफ्टिंग, कुश्ती, फुटबॉल और हॉकी के ट्रायल रायपुर के स्वामी विवेकानंद स्टेडियम कोटा में 6 जनवरी को सवेरे नौ बजे से वेट-लिफ्टिंग, 7 जनवरी को सवेरे नौ बजे से कुश्ती तथा 7 जनवरी और 8 जनवरी को सवेरे नौ बजे से फुटबॉल के लिए ट्रायल होंगे। 7 जनवरी और 8 जनवरी को सवेरे नौ बजे से रायपुर के सरदार वल्लभ भाई पटेल अंतरराष्ट्रीय हॉकी स्टेडियम में हॉकी खिलाड़ियों का ट्रायल होगा। तीरंदाजी, एथलेटिक्स और तैराकी के ट्रायल बिलासपुर में बिलासपुर के स्वर्गीय बी.आर. यादव स्टेडियम में 7 जनवरी को सवेरे नौ बजे से तीरंदाजी और एथलेटिक्स के ट्रायल होंगे। बिलासपुर के सरकंडा स्थित जिला खेल परिसर में 7 जनवरी को सवेरे नौ बजे से तैराकी खिलाड़ियों का ट्रायल होगा।

रायपुर में स्वच्छ क्लोरीनयुक्त पेयजल की घरों में हो रही आपूर्ति

रायपुर. नगर पालिक निगम के जल विभाग द्वारा विजय नगर चौक के पास पेयजल वितरक पाईप लाईन में लीकेज को ट्रेस होने के बाद तत्काल सुधार लिया गया और उसके बाद आज सुबह से नगर निगम के महर्षि वाल्मीकि वार्ड अंतर्गत सेल्स टैक्स कॉलोनी, महामाया विहार, पिंक सिटी, गायत्री नगर, विजय नगर में रहवासी नागरिकों के घरों में स्वच्छ क्लोरीन युक्त पेयजल की आपूर्ति की जा रही है. नगर पालिक निगम रायपुर की महापौर मीनल चौबे, जल कार्य विभाग अध्यक्ष संतोष सीमा साहू, आयुक्त विश्वदीप के निर्देश पर आज सुबह से नगर निगम जल विभाग, नगर निगम जोन 3 एवं जोन 9 जल कार्य विभाग की टीमों द्वारा महर्षि वाल्मीकि वार्ड अंतर्गत सेल्स टैक्स कॉलोनी, महामाया विहार, विजय नगर, पिंक सिटी, गायत्री नगर के घरों में घर -घर जाकर नलों में आ रहे पेयजल में क्लोरीन की मात्रा की जाँच की जा रही है. सभी घरों के नलों के पानी में क्लोरीनयुक्त पेयजल जाँच में पाया गया है. सभी घरों में स्वच्छ पेयजल आ रहा है. किसी भी घर में गन्दा पानी आने की शिकायत नहीं मिली है. नगर निगम के जोन 3 और 9 के जोन स्वास्थ्य अधिकारियों को महर्षि वाल्मीकि वार्ड क्षेत्र की सभी नालियों की अभियान चलाकर अगले एक सप्ताह में सफाई करवाकर कचरा एवं गन्दगी बाहर निकालकर नालियों का निकास सुगम बनाने का कार्य प्राथमिकता से सतत मॉनिटरिंग करवाकर करना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैँ.वहीं जोन स्वास्थ्य अधिकारियों को सफाई अभियान के दौरान नाली के भीतर पाईप लाईन दिखते ही इसकी जानकारी नगर निगम जल विभाग के अधिकारियों को तत्काल देने कहा गया है, ताकि तत्काल नाली के भीतर से पाईप लाईन को बाहर निकाला जा सके. नगर निगम जल विभाग के जल विभाग, जोन 3 और जोन 9 के अधिकारियों को सर्वोच्च प्राथमिकता के साथ महर्षि वाल्मीकि वार्ड क्षेत्र में नालियों के भीतर से जा रही पाईप लाईन को अतिशीघ्र अभियानपूर्वक ट्रेस करके उन्हें नालियों के बाहर निकालने का कार्य क्षेत्र के रहवासियों से सहयोग लेकर करवाने के निर्देश दिए हैँ. इंदौर जैसी घटना शहर में कहीं भी na हो, इस हेतु विशेष सतर्कता लगातार बनाये रखने अधिकारियों को निर्देशित किया गया है. नगर निगम जल विभाग ने महर्षि वाल्मीकि वार्ड के रहवासियों से वार्ड क्षेत्र में स्थित नालियों के भीतर से जा रही पाइप लाइन को अतिशीघ्र बाहर निकालने के कार्य में रायपुर नगर निगम ज़ल विभाग, जोन 3 और जोन 9 जल विभाग के अमले को सहयोग देने की अपील की है.

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पूर्व मुख्यमंत्री/राज्यपाल कल्याण सिंह की 94वीं जयंती पर अर्पित किए श्रद्धासुमन

अपने नाम को उत्तर प्रदेश के ‘कल्याण’ के साथ जोड़कर सार्थक करते रहे ‘बाबू जीः’ मुख्यमंत्री  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पूर्व मुख्यमंत्री/राज्यपाल कल्याण सिंह की 94वीं जयंती पर अर्पित किए श्रद्धासुमन   सुशासन, विकास, राष्ट्रवादी मिशन को बढ़ाने के लिए हमेशा जाना जाएगा ‘बाबू जी’ का कार्यकालः सीएम योगी  कल्याण सिंह जी ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की पाठशाला में पढ़ा राष्ट्रवाद का पाठः मुख्यमंत्री लखनऊ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पूर्व मुख्यमंत्री/राज्यपाल कल्याण सिंह की 94वीं जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि दी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कल्याण सिंह के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की और कहा कि ‘बाबू जी’ अपने नाम को उत्तर प्रदेश के ‘कल्याण’ के साथ जोड़कर सार्थक करते रहे। उतर प्रदेश में भाजपा के पहले मुख्यमंत्री थे कल्याण सिंह  मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘बाबू जी’ उत्तर प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी के पहले मुख्यमंत्री थे। 1991 में जब उन्होंने उत्तर प्रदेश की बागडोर संभाली, तब यहां अव्यवस्था, अराजकता, गुंडागर्दी थी और आतंकी गतिविधियां सिर उठा रही थीं। गांवों, गरीबों, किसानों, नौजवानों, महिलाओं को शासन की योजनाओं का लाभ नहीं मिल रहा था। एक ओर कुव्यवस्था थी तो दूसरी ओर 500 वर्षों की गुलामी को दूर करने के लिए हिंदू समाज छटपटा रहा था।  ‘बाबू जी’ का कार्य देख प्रदेशवासियों को हुआ विश्वास- सुशासन की ओर चलकर विकास के नए सोपान को चुनेगा यूपी  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उन्होंने पहली बार भाजपा की  सरकार की कमान अपने हाथ में ली थी। जब उन्होंने कार्य शुरू किया तो कुछ ही महीने में प्रदेशवासियों के मन में यह विश्वास सुदृढ़ होने लग गया था कि उत्तर प्रदेश सुशासन की ओर चलकर विकास के नए सोपान को चुनेगा, लेकिन उन्हें अस्थिर करने की साजिशें होने लगी। अव्यवस्था फैलानी शुरू हो गईं।  सुशासन, विकास, राष्ट्रवादी मिशन को बढ़ाने के लिए हमेशा जाना जाएगा ‘बाबू जी’ का कार्यकाल मुख्यमंत्री ने कहा कि जब राम जन्मभूमि आंदोलन चरम की ओर बढ़ा तो रामभक्तों, पूज्य संतों की भावना का सम्मान करते हुए अपने आराध्य प्रभु श्रीराम के प्रति उन्होंने सत्ता को बलिदान करने में संकोच नहीं किया। उनकी सरकार गई, लेकिन गुलामी के ढांचे को हटाने के जिस प्रण के साथ राम भक्त आगे बढ़े थे, उन्होंने सारी जिम्मेदारी अपने ऊपर लेकर प्रभु राम के प्रति कर्तव्यों का निर्वहन करने में तनिक भी देर नहीं लगाई। बाबू जी का कार्यकाल यूपी सरकार के सुशासन, विकास, राष्ट्रवादी मिशन को बढ़ाने के लिए हमेशा जाना जाएगा।  कल्याण सिंह जी ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की पाठशाला में पढ़ा राष्ट्रवाद का पाठ  सीएम योगी ने कहा कि आज हर भारतवासी बाबू जी को याद करता है। उनका जन्म किसान परिवार में हुआ। उन्होंने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की पाठशाला में राष्ट्रवाद का पाठ पढ़ा। आजीवन उसे जीवन का मंत्र बनाया और उस मिशन के लिए समर्पित होकर लगातार कार्य करते रहे और अपने नाम को उत्तर प्रदेश के ‘कल्याण’ के साथ जोड़कर सार्थक करते रहे। विधायक, मंत्री, सांसद, मुख्यमंत्री व राज्यपाल के रूप में उनकी सेवाएं देशवासियों के लिए सदैव स्मरणीय रहेंगी।  इस दौरान स्व. कल्याण सिंह के पुत्र व पूर्व सांसद राजवीर सिंह, भारतीय जनता पार्टी उत्तर प्रदेश के पूर्व अध्यक्ष चौधरी भूपेंद्र सिंह, सांसद सतीश गौतम, मुकेश राजपूत, कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद, राज्यमंत्री दानिश आजाद अंसारी, स्व. कल्याण सिंह के पौत्र व बेसिक शिक्षा मंत्री संदीप सिंह समेत अनेक लोग मौजूद रहे।

भोपाल में मतदाता सूची शुद्धिकरण अभियान की शुरुआत, 1.16 लाख वोटरों की जांच आज से शुरू

भोपाल  मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में एक लाख से ज्यादा ऐसे मतदाता हैं, जो निर्वाचन आयोग के डिजिटल नक्शे पर लापता हैं। अगर आप भी उनमें से एक हैं तो सोमवार से आपकी नागरिकता और मतदान के अधिकार की सुनवाई शुरू हो रही है। दरअसल, भोपाल की मतदाता सूची का शुद्धिकरण अभियान चल रहा है। इस प्रक्रिया में 1,16,925 मतदाता ऐसे पाए गए हैं, जिनका पता डिजिटल मैप से मेल नहीं खा रहा है। आसान भाषा में कहें तो सरकारी रिकॉर्ड में आप हैं, पर आपका घर कहां है, इसकी सटीक मैपिंग नहीं हो पा रही है। ऐसे नो मैपिंग वाले मतदाताओं की सुनवाई सोमवार से शुरू हो रही है। सोमवार सुबह से भोपाल के सभी 85 वार्ड कार्यालयों, तहसील और नजूल दफ्तरों में सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी इन नो-मैपिंग मतदाताओं की दलीलें सुनेंगे। जिला निर्वाचन कार्यालय अब तक 50 हजार से ज्यादा लोगों को उनके घर पर नोटिस थमा चुका है। वहीं आपके इलाके के बीएलओ घर-घर जाकर नोटिस बांट रहे हैं ताकि कोई भी पात्र मतदाता छूट न जाए। 4.38 लाख नाम कटे, अब आपकी बारी यह आंकड़ा चौंकाने वाला है। प्रशासन अब तक सूची से 4.38 लाख फर्जी या अपात्र नाम काट चुका है। ऐसे में अगर आपके पास नोटिस आया है और आप सुनवाई में नहीं पहुंचते, तो मुमकिन है कि अगली बार आप पोलिंग बूथ पर अपना नाम न ढूंढ़ पाएं। बीएलओ पर काम का बोझ बढ़ा है। सर्वर की अपनी सीमाएं हैं, लेकिन एक जागरूक नागरिक के नाते यह आपकी जिम्मेदारी है कि आप अपने वार्ड कार्यालय पहुंचें। याद रखिए, आपकी एक छोटी-सी लापरवाही आपको लोकतंत्र के सबसे बड़े उत्सव यानी मतदान से बाहर कर सकती है। एक तरफ नाम काटे जा रहे हैं तो दूसरी तरफ नए जोड़े जा रहे हैं। जिला निर्वाचन कार्यालय का अनुमान है कि दो लाख नए मतदाता इस बार जुड़ेंगे। फार्म-6 का वितरण जारी है। सुनवाई में जाते समय साथ रखें ये दस्तावेज अगर आपको नोटिस मिला है, तो वार्ड दफ्तर खाली हाथ न जाएं। आपको भारत की नागरिकता प्रमाणित करने के लिए ये दस्तावेज दिखाने होंगे।     आधार कार्ड या पासपोर्ट।     निवास प्रमाण पत्र (बिजली बिल/राशन कार्ड)।     आयु का प्रमाण।     जारी किया गया नोटिस। वोटर आईडी अपडेट नहीं कराने से नौ-मैपिंग की समस्या     लोकतंत्र की मजबूती के लिए मतदाता सूची का पारदर्शी होना अनिवार्य है। कई बार लोग घर बदल लेते हैं पर वोटर आईडी अपडेट नहीं कराते, जिससे नो-मैपिंग की समस्या आती है। यह सुनवाई आपकी पहचान को डिजिटल रूप से सुरक्षित करने का एक मौका है। – भुवन गुप्ता, उप निर्वाचन अधिकारी  

शीतलहर और घने कोहरे ने मचाई हलचल, पचमढ़ी में बर्फ, नौगांव में पारा 1 डिग्री, 19 जिलों में स्कूल बंद

भोपाल  मध्यप्रदेश इस समय भीषण शीतलहर और घने कोहरे की चपेट में है। अरब सागर से आई नमी और उत्तर भारत की सर्द हवाओं ने पूरे प्रदेश को 'कोल्ड डे' जैसी स्थिति में डाल दिया है। आलम यह है कि सुबह में भोपाल, इंदौर और उज्जैन समेत 33 जिलों में दृश्यता (Visibility) बेहद कम बनी हुई है। राजगढ़ 5 डिग्री तापमान के साथ प्रदेश का सबसे ठंडा जिला रहा। ठंड के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए प्रशासन ने बच्चों की सुरक्षा के लिए 13 जिलों के स्कूलों में अवकाश और समय परिवर्तन के आदेश जारी कर दिए हैं। मौसम विभाग ने अगले 2 दिनों तक ग्वालियर-चंबल संभाग में भारी कोहरे का अलर्ट जारी किया है।  पिछले 3 दिन से पूरा मध्य प्रदेश कोहरे की आगोश में है। भोपाल में सुबह 6 से 7 बजे के बीच इतना घना कोहरा था कि 20 मीटर बाद कुछ दिखाई नहीं दिया। सुबह 11 बजे तक कोहरा छाया रहा। पचमढ़ी में गाड़ियों की सीट पर बर्फ की परत जमी मिली। छतरपुर का नौगांव सबसे ठंडा रहा।  खजुराहो, गुना, नर्मदापुरम, रायसेन, दमोह, सागर, जबलपुर, नौगांव, दतिया, धार, ग्वालियर, इंदौर, राजगढ़, रतलाम, उज्जैन, रीवा, सतना, श्योपुर, बालाघाट, उमरिया, सीधी, मंडला, छिंदवाड़ा समेत कई जिलों में कोहरे का असर देखा गया। कोहरे की वजह से बड़वानी जिले में सोमवार सुबह सांची दूध का टैंकर पलट गया। हादसे में हेल्पर कन्हैयालाल मुजाल्दे (35) की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि ड्राइवर अमजद अहमद शेख (35) गंभीर रूप से घायल हो गया। वहीं, दिल्ली से आने वाली ट्रेनों की टाइमिंग पर असर पड़ा है। मालवा, सचखंड, शताब्दी समेत कई ट्रेनें अपने निर्धारित समय से लेट चल रही हैं। मालवा एक्सप्रेस अपने निर्धारित समय से 3 घंटे से ज्यादा देरी से चल रही है। सर्द हवाओं की वजह से सर्दी भी तेज हो गई है। ज्यादातर जिलों में पारा 10 डिग्री से नीचे आ गया है। दतिया में 4.4 डिग्री, राजगढ़-खजुराहो में 5.4 डिग्री, मलाजखंड में 5.5 डिग्री, उमरिया में 5.7 डिग्री, मंडला-पचमढ़ी में 5.8 डिग्री दर्ज किया गया। बड़े शहरों में भोपाल में 6.8 डिग्री, इंदौर में 8.6 डिग्री, ग्वालियर में 6.4 डिग्री, उज्जैन में 9.5 डिग्री और जबलपुर में 9 डिग्री रहा। इन 19 जिलों में स्कूलों में छुट्टी घोषित     इंदौर: कक्षा 1 से 8 तक, तीन दिन की छुट्‌टी।     उज्जैन: नर्सरी से 5वीं तक, एक दिन छुट्‌टी।     मंदसौर: नर्सरी से 8वीं तक, दो दिन की छुट्‌टी।     शाजापुर: नर्सरी से 8वीं तक, 5–6 जनवरी को अवकाश।     विदिशा: नर्सरी से 5वीं तक, 5–6 जनवरी को अवकाश।     ग्वालियर: नर्सरी से 8वीं तक, 5–6 जनवरी को छुट्‌टी, 7 से स्कूल।     अशोकनगर: 5 जनवरी को स्कूल व आंगनबाड़ी बंद।     रायसेन: नर्सरी से 5वीं तक, 7 जनवरी तक छुट्‌टी।     आगर मालवा: कक्षा 1 से 8 तक, दो दिन अवकाश (आंगनबाड़ी भी बंद)।     भिंड: नर्सरी से कक्षा 8 तक, दो दिन अवकाश।     टीकमगढ़: नर्सरी से 8वीं तक, 5–6 जनवरी को छुट्‌टी।     हरदा: नर्सरी से 8वीं तक, सोमवार को अवकाश।     नीमच: नर्सरी से 8वीं तक, 5–6 जनवरी को छुट्‌टी।     रतलाम: नर्सरी से 8वीं तक, 5–6 जनवरी तक दो दिन का अवकाश।     राजगढ़: कक्षा 8वीं तक के स्कूलों में 2 दिन का अवकाश।     मंडला: नर्सरी से 8वीं तक, 5–6 जनवरी को दो दिन का अवकाश, आंगनबाड़ी केंद्र भी बंद।     जबलपुर: नर्सरी से 8वीं तक, 5–6 जनवरी को दो दिन का अवकाश, आंगनबाड़ी केंद्र भी बंद; परीक्षाएं यथावत।     दमोह: प्री प्राइमरी से 8वीं तक एक दिन का अवकाश। आंगनबाड़ी केंद्र भी बंद।     डिंडौरी: नर्सरी से 5वीं, 5–6 जनवरी तक दो दिन का अवकाश। भोपाल और धार में बदली स्कूल टाइमिंग     भोपाल: नर्सरी से 8वीं तक के स्कूल सुबह 9.30 बजे के बाद खुलेंगे।     धार: नर्सरी से 8वीं तक की कक्षाएं 9.30 बजे के बाद संचालित होंगी, 9वीं से 12वीं तक समय यथावत रहेगा।

‘युद्ध नशे के विरुद्ध’ अभियान का दूसरा चरण पंजाब में शुरू, नशे के आंकड़े जुटाने की प्रक्रिया शुरू

मोहाली पंजाब को नशा मुक्त बनाने के उद्देश्य से चलाए जा रहे ‘युद्ध नशे के विरुद्ध’ अभियान का दूसरा चरण आज से शुरू हो गया है। इस चरण में ग्रामीण विकास एवं पंचायत विभाग का फील्ड स्टाफ गांवों और शहरों में घर-घर जाकर नशे से जुड़े आंकड़े एकत्र करेगा और लोगों को इसके दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करेगा। मोहाली में आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान कैबिनेट मंत्री तरुणप्रीत सौंध ने बताया कि इस अभियान के तहत नशा छोड़ चुके युवाओं को प्रेरक वक्ता के रूप में समाज के बीच लाया जाएगा। ये युवा अपने अनुभव साझा कर नशे के खिलाफ जागरूकता फैलाएंगे और खासतौर पर युवाओं को इससे दूर रहने के लिए प्रेरित करेंगे। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा नशे की वास्तविक स्थिति का पता लगाना और समाज की सक्रिय भागीदारी से इस समस्या को जड़ से खत्म करना है।  स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने बताया कि अब तक करीब 20 हजार नशा पीड़ित युवाओं को नशे की लत से बाहर निकाला जा चुका है। उन्होंने दावा किया कि कई नशा मुक्ति केंद्रों में अब नए मामले सामने नहीं आ रहे हैं, जो पहले चरण की बड़ी सफलता है। उन्होंने कहा कि दूसरे चरण में नशा रोकथाम के साथ-साथ पुनर्वास और सामाजिक पुनर्स्थापना पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। मंत्रियों ने पंचायतों, विभागीय कर्मचारियों और आम जनता से अपील की कि वे इस अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाएं, ताकि पंजाब को पूरी तरह नशा मुक्त बनाया जा सके।