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महिलाओं को बड़ी राहत: महतारी वंदन योजना की 26वीं किश्त ट्रांसफर, लाखों लाभार्थियों को फायदा

रायपुर. छत्तीसगढ़ में लाखों महिलाओं के लिए अच्छी खबर है. महतारी वंदन योजना की 26वीं किस्त जारी कर दी गई है. इस योजना के तहत पूरे राज्य में 68.48 लाख से ज्यादा महिलाओं के बैंक खातों में ₹641.62 करोड़ ट्रांसफर किए गए हैं.  खास बात यह है कि बस्तर संभाग के दूरदराज और नक्सल प्रभावित इलाकों में चल रही 'नियद नेल्ला नार' योजना के तहत आने वाले गांवों की 7,773 महिलाओं को भी इस किस्त का लाभ मिला है. महतारी वंदन योजना की 26वीं किस्त जारी छत्तीसगढ़ सरकार ने महतारी वंदन योजना की 26वीं किस्त जारी कर दी है. इस योजना के तहत, 68.48 लाख महिलाओं के खातों में DBT के माध्यम से ₹641.62 करोड़ की राशि हस्तांतरित की गई है. प्रत्येक महिला को ₹1,000 की आर्थिक सहायता प्राप्त हुई है. आपके खाते में पैसे आए है या नहीं? नीचे दिए गए आसान तरीकों से चेक कर सकते हैं.  1,000 रुपये की राशि यह योजना मार्च 2024 में छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गारंटी को पूरा करने और महिलाओं के कल्याण को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से शुरू की गई थी. तब से लाभार्थी महिलाओं को हर महीने नियमित रूप से ₹1,000 की वित्तीय सहायता प्राप्त हो रही है. इस योजना के तहत अब तक लाभार्थी महिलाओं को कुल ₹16,881 करोड़ की राशि वितरित की जा चुकी है. KYC सत्यापन की प्रक्रिया इस योजना के तहत लाभार्थी महिलाओं के लिए KYC सत्यापन की प्रक्रिया को भी तेज किया जा रहा है. KYC अपडेट करने की यह प्रक्रिया 3 अप्रैल को E-Governance Services India Limited के माध्यम से शुरू की गई थी और 30 जून तक जारी रहेगी. जल्द से जल्द पूरा करवा लें e-KYC महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने महतारी वंदन योजना की महिला लाभार्थियों विशेष रूप से उन लाभार्थियों जिन्होंने अभी तक अपना e-KYC पूरा नहीं किया है से अपील की है कि वे इसे तत्काल पूरा करवा लें, ताकि इस योजना के तहत मिलने वाली वित्तीय सहायता बिना किसी रुकावट के सीधे उनके खातों में जमा की जा सके. इन महिलाओं को नहीं मिली 26वीं किस्त महिला एवं बाल विकास विभाग से मिली जानकारी के अनुसार महतारी वंदन योजना के तहत लाभार्थियों की कुल संख्या 6,894,633 है. इनमें से उन लाभार्थियों को छोड़कर जिनका KYC सत्यापन अभी लंबित है, 26वीं किस्त 6,848,899 लाभार्थियों को वितरित कर दी गई है. ऐसे चेक करें आपके खाते में महतारी वंदन योजना के तहत ₹1,000 की राशि  आई है या नहीं इसके चेक करने के लिए आधिकारिक वेबसाइट mahtarivandan.cgstate.gov.in पर जाएं. इसके बाद Application and Payment Status पर क्लिक करें, फिर अपना मोबाइल नंबर या आधार नंबर और साथ में कैप्चा डालें और Submit पर क्लिक करें.  इससे बाद आपको जानकारी मिल जाएगी.

महिलाओं के मोबाइल में बजी खुशियों की घंटी, महतारी वंदन की 26वीं किश्त जारी

महिलाओं के मोबाईल में बजी खुशियों की घंटी,महतारी वंदन की 26वीं किश्त जारी 68.48 लाख महिलाओं के खाते में ट्रांसफर हुए 641.62 करोड़ रूपए  हितग्राही महिलाओं को अब तक 16,240 करोड़ की मदद रायपुर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के मार्गदर्शन में छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा राज्य की महिलाओं के आर्थिक एवं सामाजिक  सशक्तिकरण के लिए संचालित महतारी वंदन योजना की 26वीं किश्त की राशि आज जारी की गई। इसके जारी होते ही हितग्राही महिलाओं के मोबाईल में खुशियों के नोटिफिकेशन की घंटी बज उठी। इस योजना के तहत राज्य की 68 लाख 48 हजार 899 महिलाओं को 641 करोड़ 62 लाख 92 हजार रूपए उनके बैंक खातों में ट्रांसफर किए गए। लाभान्वित हितग्राहियों में 7773 महिलाएं नियद नेल्ला नार के योजना के गांवों की रहने वाली है।  छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा प्रधानमंत्री नरेद्र मोदी जी की गारंटी को पूरा करने के लिए और महिलाओं की बेहतरी के लिए यह योजना मार्च 2024 में शुरू की गई थी। तब से लेकर अब तक हर महीने हितग्राही महिलाओं को एक-एक हजार रूपए की सहायता राशि नियमित रूप से दी जा रही है। इस योजना के तहत अब तक हितग्राही महिलाओं को 16,881 करोड़ रूपए का भुगतान किया जा चुका है।  गौरतलब है कि इस योजना के अंतर्गत हितग्राही महिलाओं के केवाईसी पूरा किए जाने का काम भी तेजी से कराया जा रहा है। केवाईसी के अद्यतन की यह प्रक्रिया ई-गवर्नेस सर्विसेस इंडिया लिमिटेड के माध्यम से 3 अप्रैल से शुरू की गई है, जो 30 जून तक चलेगी। व्हीएलई द्वारा ग्रामीण क्षेत्र में ग्राम पंचायत भवन में तथा शहरी क्षेत्र में वार्ड कार्यालय में केवाईसी अद्यतन का कार्य हो रहा है। महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने महतारी वंदन योजना की ऐसी हितग्राही महिलाओं से जिनका ई-केवाईसी नहीं हुआ है, उनसे तत्काल ई-केवाईसी कराने की अपील की है ताकि योजना की सहायता राशि बिना किसी व्यवधान के उनके खाते में पहुंच सके।  महिला एवं बाल विकास विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार महतारी वंदन योजना के हितग्राहियों की संख्या 68,94,633 है, जिसमें से केवाईसी हेतु लंबित हितग्राहियों को छोड़कर 68,48,899 हितग्राहियों को 26वीं किश्त का भुगतान किया गया है।

7 अप्रैल को सीएम योगी देंगे ‘ग्रेटर आगरा’ योजना के तहत 5142 करोड़ की सौगात

7 अप्रैल को सीएम योगी देंगे 5142 करोड़ की 'ग्रेटर आगरा' योजना की सौगात  वृंदावन में श्रीमद् जगतगुरु द्वाराचार्य मलूकनाथ जी महाराज की 452 वीं जयंती महोत्सव में भी करेंगे शिरकत  449.65 हेक्टेयर में रायपुर और रहन कलां में विश्वस्तरीय सुविधाओं के साथ विकसित होगा 'ग्रेटर आगरा'  विभिन्न परियोजनाओं का करेंगे लोकार्पण व शिलान्यास, विशाल जनसभा को संबोधित करेंगे मुख्यमंत्री लखनऊ/आगरा  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 7 अप्रैल को ताजनगरी आगरा के लोगों को एक ऐतिहासिक सौगात देने जा रहे हैं। मुख्यमंत्री 5142 करोड़ रुपये की लागत वाली महत्वाकांक्षी 'ग्रेटर आगरा' योजना का भूमि पूजन और शिलान्यास करेंगे। इस दौरान वह टाउनशिप के मॉडल का अवलोकन भी करेंगे। इसके साथ ही जनपद के विभिन्न विभागों की करोड़ों रुपये की अन्य विकास परियोजनाओं का लोकार्पण व शिलान्यास भी किया जाएगा। मुख्यमंत्री वृंदावन में श्रीमद् जगतगुरु द्वाराचार्य मलूकनाथ जी महाराज की 452 वीं जयंती महोत्सव में भी शिरकत करेंगे और करीब एक घंटा महोत्सव में रहेंगे। अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस होगी 'ग्रेटर आगरा' टाउनशिप योगी सरकार की 'नए शहर प्रोत्साहन योजना' और शहरी विस्तारीकरण के तहत आगरा विकास प्राधिकरण (एडीए) द्वारा इस विशाल टाउनशिप का निर्माण किया जा रहा है। ग्राम रायपुर और रहन कलां की 449.65 हेक्टेयर भूमि पर 10 अत्याधुनिक आवासीय टाउनशिप बसाई जाएंगी। 'ग्रेटर आगरा' विश्व स्तरीय इंफ्रास्ट्रक्चर से लैस होगा, जिसमें बेहतरीन पार्क, चौड़ी सड़कें, निर्बाध बिजली-पानी की आपूर्ति और सभी आधुनिक सार्वजनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। यह योजना आगरा के आवासीय स्वरूप को पूरी तरह बदल देगी। जनसभा को करेंगे संबोधित प्रस्तावित कार्यक्रम के अनुसार 7 अप्रैल को 4:25 बजे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का हेलीकॉप्टर एक्सप्रेसवे के समीप रायपुर रहन कलां स्थित कार्यक्रम स्थल पर उतरेगा। वहां आगरा के प्रभारी मंत्री/ पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह उनका भव्य स्वागत करेंगे। दोपहर 4:30 बजे मुख्यमंत्री 'ग्रेटर आगरा' योजना का शिलान्यास व भूमिपूजन करेंगे। इसके बाद वह करोड़ों रुपये की अन्य परियोजनाओं का लोकार्पण व शिलान्यास कर एक विशाल जनसभा को संबोधित करेंगे। कार्यक्रम संपन्न होने के बाद शाम करीब 5:25 बजे मुख्यमंत्री आगरा से प्रस्थान करेंगे। प्रभारी मंत्री जयवीर सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा दी जा रही 'ग्रेटर आगरा' की यह सौगात शहर के विकास में मील का पत्थर साबित होगी। यह एक विश्वस्तरीय परियोजना है। कार्यक्रम को ऐतिहासिक और सफल बनाने के लिए हमने कार्यक्रम स्थल का निरीक्षण किया है। सभी अधिकारियों को जनसभा, सुरक्षा, पार्किंग और हेलीपैड की व्यवस्थाओं को समय से और पूरी गुणवत्ता के साथ पूर्ण करने के सख्त निर्देश दिए गए हैं।

9 नई बायपास सड़कें बनाए जाने से होगा ट्रैफिक का दबाव कम, तेज होगा यातायात

ट्रैफिक का दबाव कम करने और तेज यातायात के लिए बनाई जाएंगी 9 बायपास सड़कें  लोक निर्माण विभाग ने मंजूर किए 448 करोड़ रायगढ़ जिले में तीन, धमतरी और बलौदाबाजार में बनेंगे दो-दो बायपास रायपुर मुख्य सड़कों पर ट्रैफिक का दबाव कम करने तथा तेज व सुव्यवस्थित यातायात के लिए लोक निर्माण विभाग ने हाल ही में समाप्त हुए वित्तीय वर्ष 2025-26 में नौ बायपास सड़कों के लिए कुल 448 करोड़ 13 लाख रुपए से अधिक की राशि स्वीकृत की है। उप मुख्यमंत्री तथा लोक निर्माण मंत्री अरुण साव ने स्थानीय लोगों की मांगों व जरूरतों को देखते हुए इन बायपास सड़कों के लिए प्राथमिकता से राशि मंजूर करने के निर्देश दिए थे। लोक निर्माण विभाग द्वारा रायगढ़ जिले में तमनार बायपास मार्ग के लिए 152 करोड़ 17 लाख रुपए स्वीकृत किए गए हैं। इस राशि से 6 किमी बायपास सड़क का निर्माण किया जाएगा। विभाग ने रायगढ़ शहर में रिंग रोड (बायपास मार्ग) के लिए 70 करोड़ 47 लाख रुपए मंजूर किए हैं। खरसिया के बायपास क्रमांक-3 कबीर चौक से डभरा रोड तक 2 किमी सड़क के चौड़ीकरण और मजबूतीकरण के लिए भी 7 करोड़ 22 लाख रुपए स्वीकृत किए गए हैं। विभाग ने धमतरी जिले में 4 किमी लंबाई के भखारा बायपास के लिए 14 करोड़ 94 लाख रुपए तथा 1.50 किमी लंबाई के नारी बायपास मार्ग के लिए 7 करोड़ 97 लाख रुपए मंजूर किए हैं। बलौदाबाजार में लटुवा, पनगांव होते हुए 15 किमी लंबे बलौदाबाजार बायपास सड़क के लिए 88 करोड़ 68 लाख रुपए एवं 7 किमी लंबे रिसदा बायपास मार्ग के लिए 20 करोड़ 99 लाख रुपए की स्वीकृति प्रदान की गई है।  लोक निर्माण विभाग ने बिलासपुर में 13.40 किमी कोनी-मोपका फोरलेन बायपास मार्ग के लिए 82 करोड़ 80 लाख रुपए तथा बेमेतरा जिले में 1.20 किमी कांक्रीटीकृत छिरहा बायपास सड़क के लिए 2 करोड़ 89 लाख रुपए की भी मंजूरी दी है। “राज्य शासन शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में निर्बाध, तेज और सुरक्षित यातायात उपलब्ध कराने के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है। ट्रैफिक का दबाव कम करने बायपास सड़कों, पुलों और ओवरब्रिजों का निर्माण प्राथमिकता से किया जा रहा है। इससे आवागमन और अधिक स्मूथ, तेज एवं व्यवस्थित होगा। हम प्रदेश के समग्र विकास के लिए आधुनिक और मजबूत सड़क अधोसंरचना लगातार विकसित कर रहे हैं।” – अरुण साव, उप मुख्यमंत्री तथा लोक निर्माण मंत्री

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के विजन के अनुरूप लखनऊ के युवाओं ने तैयार किया ‘दिव्यास्त्र’

कभी तमंचों के लिए बदनाम रहा यूपी, अब बना ‘ड्रोन शक्ति’ का हब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के विजन के अनुरूप लखनऊ के युवाओं ने तैयार किया ‘दिव्यास्त्र’ योगी सरकार की डिफेंस कॉरिडोर और स्टार्टअप नीति का असर, लखनऊ में निजी कंपनी का बड़ा इनोवेशन 500 किमी रेंज, एआई बेस्ड सिस्टम और कम लागत, यूपी के युवाओं का ड्रोन बनेगा सेना के लिए गेमचेंजर लखनऊ  कभी अवैध हथियारों और ‘तमंचों’ के लिए बदनाम रहा उत्तर प्रदेश अब नई पहचान गढ़ रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश तेजी से डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग और स्टार्टअप हब के रूप में उभर रहा है। इसी बदलाव की मिसाल राजधानी लखनऊ में देखने को मिली, जहां एक प्राइवेट स्टार्टअप ने अत्याधुनिक ड्रोन तकनीक विकसित की है। यह दर्शाता है कि योगी आदित्यनाथ के विजन और नीतियों का असर जमीन पर दिख रहा है, जहां कभी अपराध की पहचान थी, वहीं अब डिफेंस टेक्नोलॉजी और स्टार्टअप्स का नया युग आकार ले रहा है। तीन युवा उद्यमियों – पवन, रविंद्र पाल सिंह और सौरभ सिंह द्वारा स्थापित कंपनी हॉवरिट (Hoverit) ने “दिव्यास्त्र एमके-1” नाम का एडवांस यूएवी तैयार किया है। यह ड्रोन आधुनिक युद्ध की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए विकसित किया गया है, जो निगरानी के साथ-साथ सटीक हमले करने में सक्षम है। इस ड्रोन की प्रमुख खासियत इसकी 500 किलोमीटर की रेंज, लगभग 5 घंटे की उड़ान क्षमता और एआई आधारित टारगेटिंग सिस्टम है। यह 10,000 फीट तक उड़ सकता है और करीब 15 किलोग्राम तक पेलोड ले जाकर सटीक निशाना साध सकता है। लागत के मामले में भी यह बाजार के अन्य विकल्पों से काफी सस्ता बताया जा रहा है। स्टार्टअप के संस्थापकों का कहना है कि प्रदेश में बेहतर नीतियों और डिफेंस कॉरिडोर जैसी योजनाओं के चलते उन्हें तेजी से आगे बढ़ने का मौका मिला। यही कारण है कि आज यह कंपनी भारतीय सेना के लिए ड्रोन सप्लाई करने की दिशा में काम कर रही है और उसे शुरुआती ऑर्डर भी मिल चुके हैं। आने वाले समय में कंपनी “एमके-2” वर्जन पर भी काम कर रही है, जिसकी रेंज 2000 किलोमीटर और पेलोड क्षमता 80 किलोग्राम तक हो सकती है। इसके लिए यूपी डिफेंस कॉरिडोर में नई मैन्युफैक्चरिंग यूनिट स्थापित की जा रही है, जहां हर महीने 20 ड्रोन उत्पादन का लक्ष्य रखा गया है। यही नहीं, कंपनी ने डिफेंस सेक्टर के लिए कई तरह के ड्रोन और यूएवी विकसित किए हैं, जिनमें निगरानी के लिए “आंख” ड्रोन, 20 किलोग्राम तक पेलोड ले जाने वाला “बाज” ड्रोन, शेल (बम) गिराने वाले ड्रोन, VTOL यूएवी (जो बिना रनवे के उड़ान भरते हैं) शामिल हैं। इसके अलावा ये कंपनी डिकॉय ड्रोन (दुश्मन को भ्रमित करने के लिए) और आईएसआर (इंटेलिजेंस, सर्विलांस, रिकॉन) यूएवी भी बना रही है, जिससे यह साफ होता है कि यह स्टार्टअप सिर्फ एक ड्रोन नहीं बल्कि निगरानी, सप्लाई और स्ट्राइक तीनों के लिए एक पूरा ड्रोन सिस्टम तैयार कर रहा है। उल्लेखनीय है कि अब युद्धों में तकनीक की भूमिका निर्णायक हो गई है। ऐसे में उत्तर प्रदेश के युवाओं द्वारा विकसित यह इनोवेशन न सिर्फ राज्य की बदली हुई छवि को दर्शाता है, बल्कि देश की सुरक्षा को भी नई मजबूती देता है।

आज अयोध्या में भगवान श्रीराम का भव्य मंदिर है, क्या सपा यह कर पाती? वे रामभक्तों पर गोली चलाने वाले लोग हैं: सीएम योगी

बाबा गोरखनाथ कृपा दुग्ध उत्पादक संस्था, गोरखपुर के विस्तारीकरण के अंतर्गत आजमगढ़ में नवनिर्मित दुग्ध अवशीतन केंद्र का शुभारंभ किया मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पहले आजमगढ़ के नाम पर लोग होटल में कमरा नहीं देते थे, आज आपका स्वागत होगा: सीएम योगी आज अयोध्या में भगवान श्रीराम का भव्य मंदिर है, क्या सपा यह कर पाती? वे रामभक्तों पर गोली चलाने वाले लोग हैं: सीएम योगी समाजवादी पार्टी ने सैफई में विकास किया, लेकिन उसे बार-बार चुनाव जिताने वाला आजमगढ़ दिखाई नहीं देता: मुख्यमंत्री सीएम ने पूछा, जिन्हें आपने पहले चुना, उन्होंने आजमगढ़ के विकास के लिए क्या किया? मुख्यमंत्री ने कहा, कांग्रेस, सपा और बसपा के एजेंडे में कभी नहीं रहा विकास और गरीब कल्याण लखनऊ  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने  आजमगढ़ में बाबा गोरखनाथ कृपा दुग्ध उत्पादक संस्था के नवनिर्मित दुग्ध अवशीतन केंद्र का शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि पहले आजमगढ़ के नाम पर लोगों को होटल या धर्मशाला में कमरा तक नहीं मिलता था, लेकिन आज स्थिति बदल चुकी है। अब कोई रोकने-टोकने वाला नहीं, बल्कि स्वागत करने वाला है। उन्होंने अयोध्या में भगवान श्रीराम के भव्य मंदिर निर्माण का उल्लेख करते हुए पूछा कि क्या यह कार्य पूर्व की सरकारें कर पातीं, जो रामभक्तों पर गोली चलाने का काम करती थीं। मुख्यमंत्री ने डबल इंजन सरकार की नीतियों और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हुए बदलावों का जिक्र करते हुए उत्तर प्रदेश को विकास, सम्मान और आस्था के नए दौर का प्रतीक बताया। समाजवादी पार्टी पर कड़ा प्रहार करते हुए सीएम ने कहा कि सैफई तक विकास कार्य को सीमित रखने वाली इस पार्टी को आजमगढ़ नहीं दिखाई देता, जो बार-बार उसके प्रत्याशी को जिताता है। सीएम योगी ने कहा कि मैं मिल्क प्रोड्यूसर कंपनी की अध्यक्ष नीरज तथा उनसे जुड़ी 56 हजार से अधिक बहनों का हृदय से अभिनंदन करता हूं कि उन्होंने वह कर दिखाया, जो दूसरों के लिए असंभव प्रतीत होता है। जब एक महिला आत्मनिर्भर बनती है तो पूरा परिवार आत्मनिर्भर होता है, और ऐसे ही आत्मनिर्भर परिवार समाज की मजबूत कड़ी बनते हैं। जब ये कड़ियां आपस में जुड़ती हैं तो राष्ट्र निर्माण की मजबूत नींव तैयार होती है और विकसित भारत का सपना साकार होता है। आज ऐसे प्रोड्यूसर मॉडल और महिलाओं का आत्मनिर्भर बनना अत्यंत आवश्यक है, और इसी प्रेरक परिवर्तन को अपनी आंखों से देखने के लिए मैं आज विशेष रूप से आजमगढ़ आया हूं। अन्नदाता और गो-पालक आर्थिक रूप से सशक्त सीएम ने कहा कि जब मिल्क प्रोड्यूसर कंपनी ने आजमगढ़ में इस कार्यक्रम की प्रगति के बारे में बताया, तब शुरुआत में लोगों को संदेह था, लेकिन आज 1.70 लाख लीटर दूध का कलेक्शन, किसानों और गोपालकों को ₹55 प्रति लीटर का उचित मूल्य तथा बिना मिलावट गुणवत्ता की गारंटी ने इस मॉडल की सफलता को सिद्ध कर दिया है। इससे अन्नदाता और गो-पालक आर्थिक रूप से सशक्त हो रहे हैं और राष्ट्र निर्माण में उनकी भागीदारी और मजबूत हो रही है। इसी प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए आज हम आजमगढ़ में एकत्र हुए हैं, जो ऋषि-मुनियों की तपोभूमि, विचारकों की धरती और स्वाधीनता आंदोलन की महत्वपूर्ण भूमि रही है, जहां वीर कुंवर सिंह के शौर्य ने फिरंगियों को भागने के लिए मजबूर किया था। आजमगढ़ ने भले ही मुख्यमंत्री दिए होंगे, लेकिन उन लोगों ने आपके यहां काम नहीं किया। मैं आजमगढ़ की जनता से पूछना चाहता हूं कि जिन प्रतिनिधियों को आपने पहले चुना, उन्होंने विकास के लिए क्या किया?  आजमगढ़ से मेरा पुराना जुड़ाव रहा है और पीएम मोदी के नेतृत्व में डबल इंजन सरकार को जब यहां विकास का अवसर मिला और उसे धरातल पर उतारा गया। पहले लखनऊ जाने में लगते थे 6 घंटे, अब सिर्फ पौने 3 घंटे सीएम ने कहा, पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के निर्माण से आज आजमगढ़ से लखनऊ की दूरी घटकर ढाई से पौने तीन घंटे रह गई है, जबकि पहले 6 घंटे लगते थे। गोरखपुर अब डेढ़ घंटे से भी कम समय में पहुंचा जा सकता है, इसी तरह वाराणसी व प्रयागराज से कनेक्टिविटी भी बेहतर हुई है। पूर्व की सरकारों ने वोट बैंक की राजनीति में महाराज सुहेलदेव जैसे महान योद्धा को भुला दिया था, लेकिन हमारी सरकार ने उनके नाम पर विश्वविद्यालय स्थापित कर उन्हें सम्मान दिया। यह अयोध्या सिंह हरिऔध जी की पावन धरा है। रांगेय राघव ने यहां साहित्यिक जगत को नई ऊंचाई दी थी। मुख्यमंत्री ने कहा कि चीनी मिल के पुनरुद्धार के अलावा मुख्यमंत्री शहरी विस्तारीकरण योजना के तहत तमसा गार्डन एन्क्लेव आवासीय योजना को स्वीकृति के साथ 400 करोड़ रुपये की धनराशि उपलब्ध कराई गई है, जिसके तहत 2000 से अधिक भूखंडों का विकास लोगों को सस्ते व सुगम आवास उपलब्ध कराए जाएंगे। सरकार द्वारा आजमगढ़ में विकसित की जा रही आवासीय योजना के अंतर्गत प्लॉटों के साथ कमर्शियल कॉम्प्लेक्स, पार्क, ओपन जिम, बैंक, स्कूल, अस्पताल, विद्युत सब स्टेशन और सामुदायिक केंद्र सहित सुरक्षा की प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है। आजमगढ़ एयरपोर्ट का विकास भी हमारी सरकार ने किया है और जन प्रतिनिधियों द्वारा प्रस्तावित मार्गों के लिए स्वीकृत धनराशि के परिणामस्वरूप आज चारों दिशाओं में फोरलेन कनेक्टिविटी स्थापित हो चुकी है।  प्रयागराज व बरेली में खुलेंगी नई मिल्क प्रोड्यूसर कंपनियां मुख्यमंत्री ने कहा कि बाबा गोरखनाथ मिल्क प्रोड्यूसर कंपनी प्रदेश की पांचवीं ऐसी इकाई बनकर उभरी है, जो महिला स्वावलंबन का सशक्त उदाहरण है। वर्ष 2019 में झांसी में शुरू हुई बलिनी मिल्क प्रोड्यूसर कंपनी से आज 72 हजार से अधिक महिलाएं जुड़कर सैकड़ों करोड़ के दुग्ध संग्रहण और वितरण का कार्य कर रही हैं। इसी तरह वाराणसी, आगरा और लखनऊ में भी ऐसी कंपनियां संचालित हो रही हैं। इस बार के बजट में प्रयागराज व बरेली में नई मिल्क प्रोड्यूसर कंपनियों के लिए 200 करोड़ रुपये की व्यवस्था की गई है, जो महिला उद्यमिता और आत्मनिर्भरता को नई दिशा दे रही है। सीएम योगी ने कहा कि आज का दिन अत्यंत महत्वपूर्ण है, क्योंकि आज भारतीय जनता पार्टी का स्थापना दिवस है, जिसने 46 वर्ष पूरे कर 47वें वर्ष में प्रवेश किया है। 1980 में स्थापित इस दल ने “देश प्रथम” के सिद्धांत पर चलते हुए राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखा, जबकि अन्य दल परिवार और सीमित क्षेत्रीय विकास तक सिमटे रहे। श्रद्धेय … Read more

पंजाब पुलिस में बड़ा फेरबदल: कई IPS अधिकारी बदले, चौहान और सिन्हा को नई पोस्टिंग

चंडीगढ़. चंडीगढ़. पंजाब सरकार ने सोमवार, 6 अप्रैल को राज्य में चार उपायुक्तों सहित 12 आईएएस अधिकारियों का तबादला कर दिया. एक आधिकारिक आदेश के अनुसार, आईएएस अधिकारी हिमांशु अग्रवाल को पटियाला का उपायुक्त (डीसी) नियुक्त किया गया है, जो आईएएस अधिकारी वरजीत वालिया का स्थान लेंगे, जिन्हें जालंधर का उपायुक्त बनाया गया है. आदेश के अनुसार, अमित कुमार पंचाल को मुक्तसर का डीसी और आकाश बंसल को कपूरथला का डीसी नियुक्त किया गया है. वरिष्ठ आईएएस अधिकारी विकास प्रताप को तकनीकी शिक्षा और उद्योग प्रशिक्षण के अतिरिक्त मुख्य सचिव के रूप में तैनात किया गया है, जबकि सुमेर सिंह गुर्जर को रक्षा सेवा कल्याण के प्रधान सचिव का प्रभार दिया गया है. कृषि आयुक्त, आईएएस अधिकारी बबीता को फिरोजपुर मंडल के आयुक्त का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है. जसप्रीत सिंह को उद्योग एवं वाणिज्य निदेशक के पद पर तैनात किया गया है, जबकि अभिजीत कपलिश को खान एवं भूविज्ञान निदेशक का प्रभार सौंपा गया है. जसबीर सिंह को सामान्य प्रशासन एवं समन्वय विभाग में अतिरिक्त सचिव के पद पर तैनात किया गया है. DGP के चयन के लिए 14 सीनियर अधिकारियों का पैनल इसके अलावा, पंजाब सरकार ने राज्य में नियमित पुलिस महानिदेशक की नियुक्ति के लिए तीन उम्मीदवारों को छांटने के वास्ते भारतीय पुलिस सेवा (IPS) के 14 वरिष्ठ अधिकारियों का एक पैनल संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) को भेजा है.  फिलहाल आईपीएस अधिकारी गौरव यादव कार्यवाहक पुलिस महानिदेशक हैं. यूपीएससी को भेजी गई सूची में पुलिस महानिदेशक रैंक के वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी शामिल हैं. सूत्रों ने बताया कि इस सूची में 1992 बैच के आईपीएस अधिकारी गौरव यादव, विशेष पुलिस महानिदेशक शरद सत्य चौहान (पंजाब सतर्कता प्रमुख), विशेष पुलिस महानिदेशक (मादक पदार्थ रोधी कार्यबल) कुलदीप सिंह और वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी हरप्रीत सिंह सिद्धू (पदस्थापना की प्रतीक्षा में) के नाम शामिल हैं. पिछले महीने मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा था कि उनकी सरकार नियमित डीजीपी के चयन के लिए अधिकारियों का एक पैनल भेजेगी.

बर्ड फ्लू की आशंका से हड़कंप: बिलासपुर में AIIMS विशेषज्ञ तैनात, आसपास के गांवों में जांच अभियान तेज

बिलासपुर. जिले में बर्ड फ्लू के मामले को अब केंद्र सरकार ने गंभीरता से लेते हुए उच्च स्तरीय जांच शुरू कर दी है. इसी क्रम में एम्स के चार विशेषज्ञ डॉक्टरों की केंद्रीय टीम सोमवार को बिलासपुर पहुंची और प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण किया. टीम ने सबसे पहले कोनी स्थित कुक्कुट पालन केंद्र का दौरा किया, जहां बर्ड फ्लू की पुष्टि हुई थी. इसके साथ ही आसपास बनाए गए कंटेनमेंट जोन का भी बारीकी से निरीक्षण कर जमीनी हालात का आकलन किया. कर्मचारियों से पूछताछ, मानव संक्रमण पर नजर केंद्रीय टीम ने पोल्ट्री फार्म के कर्मचारियों से विस्तृत पूछताछ की और उनकी स्वास्थ्य स्थिति की जांच की. बर्ड फ्लू के बाद किसी व्यक्ति में संक्रमण के लक्षण तो नहीं हैं, इस पहलू पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है. सूत्रों के अनुसार, टीम जरूरत पड़ने पर संदिग्ध लोगों के सैंपल भी ले सकती है, ताकि किसी भी संभावित मानव संक्रमण को समय रहते रोका जा सके. मंगलवार को टीम प्रभावित पोल्ट्री केंद्र के 10 किलोमीटर के दायरे में आने वाले गांवों अकलतरी, खैरा, नगोई समेत अन्य क्षेत्रों का दौरा करेगी. यहां ग्रामीणों से बातचीत कर उनकी स्वास्थ्य स्थिति का आकलन किया जाएगा. जरूरत पड़ने पर लोगों की मेडिकल जांच और सैंपलिंग भी की जाएगी. इसके साथ ही स्थानीय प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की तैयारियों का भी जायजा लिया जाएगा. रोकथाम उपायों की होगी गहन समीक्षा केंद्रीय टीम यह भी जांच करेगी कि संक्रमण फैलने के बाद प्रशासन द्वारा उठाए गए कदम कितने प्रभावी रहे. इसमें संक्रमित पक्षियों को नष्ट करने की प्रक्रिया, शवों के सुरक्षित निपटान की व्यवस्था, क्षेत्र में सैनिटाइजेशन और डिसइंफेक्शन, सर्विलांस और मॉनिटरिंग सिस्टम जैसे बिंदुओं की विस्तार से समीक्षा की जा रही है. विशेषज्ञ यह भी तय करेंगे कि भविष्य में ऐसे संक्रमण को रोकने के लिए किन अतिरिक्त उपायों की जरूरत है. पोल्ट्री फार्मों में बायो-सिक्योरिटी, नियमित स्वास्थ्य जांच और सतत निगरानी को लेकर दिशा-निर्देश दिए जा सकते हैं.

मप्र जल संसाधन विभाग में तबादलों की लहर: शंकर ठाकुर को मिली बड़ी जिम्मेदारी, कई मुख्य अभियंता बदले

रायपुर. छत्तीसगढ़ शासन के जल संसाधन विभाग में बड़े स्तर पर प्रशासनिक फेरबदल किया गया है। इस संबंध में जल संसाधन विभाग ने आदेश जारी किया है। जारी आदेश में प्रमुख अभियंता से लेकर कई मुख्य अभियंताओं को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। जारी आदेश के अनुसार, शंकर ठाकुर (मुख्य अभियंता, सिविल) को अस्थायी रूप से आगामी आदेश तक प्रमुख अभियंता, जल संसाधन विभाग का प्रभार सौंपा गया है। साथ ही 6 मुख्य अभियंताओं की नई पदस्थापना की गई है। इन मुख्य अभियंताओं को मिली नई पोस्टिंग मक्सी कुजूर को मुख्य अभियंता, महानदी परियोजना, रायपुर बनाया गया है। शंकर राव सोने को मुख्य अभियंता, मिनीमाता (हसदेव) बांगो परियोजना, बिलासपुर की जिम्मेदारी दी है। जितेन्द्र कुमार नेताम को मुख्य अभियंता, हसदेव कछार, बिलासपुर पदस्थ किया गया है। अलेक्जेंडर ग्राहम को मुख्य अभियंता, गोदावरी कछार, जगदलपुर बनाया गया है। अनिल कुमार खलको को मुख्य अभियंता, हसदेव गंगा कछार, अंबिकापुर की जिम्मेदारी सौंपी गई है। सतीश कुमार टीकम को मुख्य अभियंता, महानदी-गोदावरी कछार, रायपुर पदस्थ किया गया है।

छत्तीसगढ़ की भूमि में भगवान श्रीराम का वास, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का उद्घाटन

छत्तीसगढ़ की धरती के कण-कण में बसे हैं भगवान श्रीराम : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय रायपुर   मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय जशपुर जिले के कुनकुरी के सालियाटोली में आयोजित भव्य संगीतमय श्रीराम कथा महोत्सव  में शामिल हुए।  इस अवसर पर उनकी धर्मपत्नी श्रीमती कौशल्या साय उपस्थित थीं।  मुख्यमंत्री साय ने अपने संबोधन में भगवान श्रीराम के आदर्श जीवन और चरित्र का उल्लेख करते हुए उन्हें अपने जीवन में आत्मसात करने का  संदेश दिया। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने इस पावन अवसर पर व्यासपीठ पर विराजमान परम पूज्य संत चिन्मयानंद बापूजी को सादर नमन करते हुए कहा कि आज कुनकुरी की यह पावन धरा धन्य हो गई है। उन्होंने कहा कि सालियाटोली का यह स्टेडियम श्रीराम कथा के रसपान से साक्षात श्रीराम का धाम बन गया है और चारों ओर ‘जय श्रीराम’ की गूंज से वातावरण भक्तिमय हो उठा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रभु श्रीराम का छत्तीसगढ़ से अत्यंत गहरा संबंध है। यह माता कौशल्या की पावन धरती है और भगवान श्रीराम का ननिहाल है, जहाँ वे भांजे के रूप में घर-घर में पूजे जाते हैं। उन्होंने उल्लेख किया कि भगवान श्रीराम ने अपने 14 वर्ष के वनवास का अधिकांश समय दंडकारण्य क्षेत्र एवं छत्तीसगढ़ के जंगलों में बिताया, जिससे यहाँ के कण-कण में राम की उपस्थिति अनुभव होती है। वनवास काल से जुड़े सीता रसोई जैसे अनेक पवित्र स्थल आज भी इस भूमि की आध्यात्मिक विरासत के साक्षी हैं। उन्होंने कहा कि यह हम सभी का सौभाग्य है कि हम उस कालखंड में जीवन जी रहे हैं, जब अयोध्या में भगवान श्रीराम की पुनः प्रतिष्ठा हुई है। श्रीराम की प्राण प्रतिष्ठा ने पूरे भारत को विश्व पटल पर गौरवान्वित किया है, जो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के दृढ़ संकल्प से संभव हो सका है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यह संकल्प लिया था कि प्रभु श्रीराम के ननिहाल छत्तीसगढ़ के श्रद्धालुओं को श्रीरामलला के दर्शन कराए जाएंगे। इसी भावना के अनुरूप राज्य सरकार ने गठन के साथ ही रामलला दर्शन योजना प्रारंभ की, जिसके माध्यम से अब तक लगभग 42 हजार श्रद्धालु अयोध्या धाम में भगवान श्रीराम के दर्शन कर चुके हैं। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि भगवान श्रीराम भारतीय जनमानस के कण-कण में विराजमान हैं। जांजगीर क्षेत्र में रामभक्ति का विशेष स्वरूप देखने को मिलता है, जहाँ रामनामी समुदाय के लोग अपने रोम-रोम में राम का नाम बसाए हुए हैं और अपनी आस्था के प्रतीक स्वरूप अपने शरीर पर ‘राम-राम’ का गोदना अंकित कराते हैं। उन्होंने कहा कि श्रीरामलला के प्राण प्रतिष्ठा समारोह के लिए भगवान राम के ननिहाल छत्तीसगढ़ से 300 मीट्रिक टन सुगंधित चावल और 100 टन से अधिक हरी सब्जियां अयोध्या भेजी गई थीं। यह विशेष भोग ननिहाल के प्रेम और 500 वर्षों के संघर्ष के पश्चात प्रभु की स्थापना के उपलक्ष्य में समर्पित किया गया था। मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ से गई डॉक्टरों की टीम एवं मेडिकल स्टाफ ने अयोध्या में रामभक्तों के स्वास्थ्य परीक्षण एवं उपचार में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।  मुख्यमंत्री साय ने कहा कि राज्य सरकार ने अवैध धर्मांतरण को रोकने के उद्देश्य से छत्तीसगढ़ में धर्म स्वातंत्र्य कानून लागू किया है, जिसके सख्त प्रावधानों के माध्यम से इस पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सकेगा। इस अवसर पर नगर पालिका उपाध्यक्ष यश प्रताप सिंह जूदेव, श्रीमती संयोगिता सिंह जूदेव, सुनील गुप्ता, उपेंद्र यादव, सुनील अग्रवाल, कलेक्टर रोहित व्यास, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालुजन उपस्थित थे। 2 अप्रैल से प्रारंभ हुई श्रीराम कथा की भक्तिधारा 8 अप्रैल तक रहेगी प्रवाहित परम पूजनीय संत चिन्मयानंद बापूजी के श्रीमुख से 2 अप्रैल से प्रारंभ हुई श्रीराम कथा की पावन भक्तिधारा 8 अप्रैल तक निरंतर प्रवाहित होती रहेगी। इस दिव्य आयोजन में दूर-दराज के क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुँचकर कथा का रसपान कर रहे हैं। श्रीराम कथा महोत्सव के आयोजन से कुनकुरी सहित आसपास के समूचे क्षेत्र में गहरा धार्मिक और आध्यात्मिक वातावरण निर्मित हो गया है। श्रद्धालुजन अत्यंत श्रद्धा, उत्साह और भक्तिभाव के साथ कथा श्रवण कर प्रभु श्रीराम के आदर्शों को अपने जीवन में उतारने का संकल्प ले रहे हैं।