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बजट पर आर्थिक विशषज्ञों की राय

बजट पर आर्थिक विशषज्ञों की राय  लखनऊ  बजट में एमएसएमई क्षेत्र के लिए 3,822 करोड़ रुपये का प्रावधान है। यह बीते साल से 19 प्रतिशत अधिक है। इससे उत्तर प्रदेश के नए उद्यमियों को काफी संबल मिलेगा। बजट में ऋण गारंटी को लेकर बैंकों के साथ समन्वय बढ़ाने पर जोर दिया गया है। इससे बड़ी जमानत के बिना भी छोटे उद्यमियों को ऋण लेने में आसानी होगी। शरद कोहली, आर्थिक मामलों के विशेषज्ञ  उत्तर प्रदेश के बजट में अवस्थापना एवं औद्योगिक विकास योजनाओं के लिए इस बार पिछले वर्ष की तुलना में 13 प्रतिशत अधिक धनराशि है। अब ₹27,103 करोड़ तय किए गए हैं। औद्योगिक क्लस्टर, लॉजिस्टिक्स हब और डेटा सेंटर के जरिये सरकार लाखों प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार अवसरों का सृजन कर रही है। प्रो मेनका सिंह, अर्थशास्त्री, दिल्ली यूनिवर्सिटी   देश के कुल मोबाइल फोन उत्पादन का 65 प्रतिशत उत्पादन उत्तर प्रदेश में होता है। भारत की 55 प्रतिशत इलेक्ट्रॉनिक्स कम्पोनेन्ट्स इकाइयां प्रदेश में स्थित हैं। प्रदेश का इलेक्ट्रॉनिक्स निर्यात 44,744 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। इस बार के बजट में इस क्षेत्र को बढ़ाना देने के ज्यादा धन दिया गया है। प्रो दीप्ति तनेजा, अर्थशास्त्री, दिल्ली यूनिवर्सिटी

महाशिवरात्रि पर गोरखनाथ मंदिर के शक्तिपीठ में सीएम योगी ने किया देवाधिदेव महादेव का रुद्राभिषेक

मुख्यमंत्री ने रुद्राभिषेक-जलाभिषेक कर की प्रदेशवासियों के सुखमय जीवन की प्रार्थना महाशिवरात्रि पर गोरखनाथ मंदिर के शक्तिपीठ में सीएम योगी ने किया देवाधिदेव महादेव का रुद्राभिषेक मानसरोवर और भरोहिया स्थित पितेश्वरनाथ शिव मंदिर में दर्शन-पूजन कर किया दुग्धाभिषेक-जलाभिषेक गोरखपुर  देवाधिदेव महादेव भोले शंकर की उपासना के पावन पर्व महाशिवरात्रि पर मुख्यमंत्री एवं गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ ने सुबह गोरखनाथ मंदिर के शक्तिपीठ में भगवान शिव का रुद्राभिषेक कर प्रदेशवासियों के आरोग्यमय, सुखमय, समृद्धमय व शांतिमय जीवन की मंगलकामना की। मुख्यमंत्री ने अंधियारी बाग स्थित प्राचीन मानसरोवर मंदिर और भरोहिया के पितेश्वरनाथ शिव मंदिर में भी दर्शन, पूजन व दुग्धाभिषेक-जलाभिषेक किया और चराचर जगत के कल्याण की प्रार्थना की।   रविवार सुबह जनता दर्शन के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखनाथ मंदिर परिसर में मठ के प्रथम तल पर स्थित शक्ति मंदिर में भगवान भोले शंकर का दुग्ध, दही, घी, मधु और शर्करा से पंच स्नान कराया। इसके बाद विधि विधान से रुद्राभिषेक किया। मठ के पुरोहित एवं वेदपाठी ब्राह्मणों ने शुक्ल यजुर्वेद संहिता के रुद्राष्टाध्यायी के महामंत्रों द्वारा रुद्राभिषेक का अनुष्ठान पूर्ण कराया। रुद्राभिषेक के बाद मुख्यमंत्री ने महादेव भगवान शिव से चराचर जगत के मंगल की प्रार्थना की।  गोरक्षपीठ में रुद्राभिषेक करने के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अंधियारी बाग के प्राचीन मानसरोवर मंदिर भी गए। यहां उन्होंने भोलेनाथ का दर्शन पूजन किया। भगवान शिव को पूजन सामग्री अर्पित कर, पंचस्नान कराकर दूध और जल से उनका अभिषेक किया। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच हुए पूजन, अभिषेक का अनुष्ठान हवन और आरती के साथ पूर्ण हुआ। इस अवसर पर सांसद रविकिशन शुक्ल, महापौर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव, कालीबाड़ी के महंत रविंद्रदास आदि भी उपस्थित रहे।  इसी क्रम में महाशिवरात्रि पर सीएम योगी रविवार दोपहर बाद भरोहिया स्थित पितेश्वरनाथ शिव मंदिर पहुंचे। यहां बाबा पितेश्वरनाथ का दर्शन, पूजन व विधि विधान से जलाभिषेक कर संपूर्ण मानव जाति के कल्याण, सुख-समृद्धि एवं शांति की प्रार्थना की। पांडवकालीन मान्यता वाले पितेश्वरनाथ मंदिर का गोरक्षपीठ से गहरा नाता है। गोरक्षपीठाधीश्वर हर महाशिवरात्रि यहां जलाभिषेक करने आते हैं। जलाभिषेक करने के बाद मुख्यमंत्री ने भरोहिया में शिव मंदिर के सामने स्थित गुरु गोरखनाथ विद्यापीठ के परिसर में स्थानीय जनप्रतिनिधियों और लोगों से मुलाकात कर उनका कुशलक्षेम जाना। बच्चों से बातचीत कर उन्हें आशीर्वाद दिया। स्थानीय खिलाड़ियों के साथ फोटो खिंचवाई और उनका उत्साहवर्धन किया। भरोहिया में मुख्यमंत्री के आगमन पर विधायक फतेह बहादुर सिंह, भरोहिया के ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि संजय सिंह समेत कई लोग मौजूद रहे।

एमपी के IAS अफसर अवि प्रसाद की तीसरी शादी, कलेक्टर और डिप्टी सेक्रेटरी हैं उनकी दो पत्नियां

 भोपाल     मध्य प्रदेश की प्रशासनिक गलियारों में इन दिनों एक नाम फिर चर्चा के केंद्र में है अवि प्रसाद. वजह इस बार कोई तबादला, सख्त कार्रवाई या विकास मॉडल नहीं, बल्कि उनकी निजी जिंदगी है. अवि प्रसाद ने तीसरी शादी कर ली है, हालांकि दोनों से उनका तलाक हो चुका है और खास बात यह है दोनों भी भारतीय प्रशासनिक सेवा की अधिकारी है और वर्तमान में जिले की कलेक्टर के रूप में काम कर रही हैं. तीसरी पत्नी राज्य मंत्रालय में डिप्टी सेक्रेटरी हैं.  अवि प्रसाद का प्रशासनिक करियर शुरुआत से ही उल्लेखनीय रहा है. वर्ष 2013 में उनका चयन भारतीय पुलिस सेवा (IPS) में हुआ था, लेकिन उन्होंने दोबारा प्रयास किया और वर्ष 2014 की यूपीएससी परीक्षा में 13वीं रैंक हासिल कर भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) में स्थान बनाया. उनकी यह उपलब्धि उन्हें अपने बैच के प्रतिभाशाली अधिकारियों में शुमार करती है. वे मूलतः उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले से ताल्लुक रखते हैं. राजनीति और सार्वजनिक जीवन का माहौल उन्होंने बचपन से देखा. उनके दादा टम्बेश्वर प्रसाद उर्फ बच्चा बाबू चौधरी चरण सिंह की सरकार में मंत्री रहे थे. ऐसे में शासन-प्रशासन की समझ उन्हें विरासत में मिली, ऐसा उनके करीबी बताते हैं. पहली शादी: तैयारी के दिनों का रिश्ता दिल्ली में सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी के दौरान उनकी मुलाकात रिजु बाफना से हुई थी. दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और बाद में विवाह हुआ. रिजु बाफना वर्तमान में मध्य प्रदेश के शाजापुर जिले की कलेक्टर हैं और राज्य में एक सक्षम व सख्त प्रशासक के रूप में जानी जाती हैं. हालांकि यह रिश्ता लंबा नहीं चला. कुछ वर्षों बाद दोनों ने आपसी सहमति से अलग होने का निर्णय लिया और तलाक हो गया.  दूसरी शादी: मिशा सिंह के साथ पहले रिश्ते के समाप्त होने के बाद अवि प्रसाद ने दूसरी शादी आंध्र प्रदेश की 2016 बैच की आईएएस अधिकारी मिशा सिंह से की. विवाह के बाद मिशा सिंह ने मध्य प्रदेश कैडर ले लिया. वर्तमान में वे रतलाम की कलेक्टर हैं और 2025 में उन्होंने जिले का कार्यभार संभाला. रतलाम में उनका कार्यकाल सक्रिय प्रशासनिक शैली के लिए जाना जा रहा है. विकास कार्यों के औचक निरीक्षण और योजनाओं की समीक्षा को लेकर वे अक्सर चर्चा में रहती हैं. हालांकि अवि प्रसाद और मिशा सिंह का यह रिश्ता भी ज्यादा समय तक नहीं चल पाया. करीब चार वर्षों बाद दोनों ने अलग होने का निर्णय लिया. तीसरी शादी: कूनो में सादे समारोह में फेरे अब अवि प्रसाद ने 2017 बैच की आईएएस अधिकारी अंकिता धाकरे से विवाह किया है. अंकिता धाकरे वर्तमान में राज्य मंत्रालय में डिप्टी सेक्रेटरी के पद पर काम कर रही हैं. जानकारी के अनुसार, 11 फरवरी को दोनों ने कूनो राष्ट्रीय उद्यान में सादगीपूर्ण समारोह में विवाह किया. कूनो, जो हाल के वर्षों में अपने वन्यजीव संरक्षण प्रयासों के कारण राष्ट्रीय स्तर पर चर्चित रहा है, इस निजी आयोजन का साक्षी बना. शादी की तस्वीरें सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर प्रतिक्रियाओं की बाढ़ आ गई. कुछ लोगों ने इसे निजी निर्णय बताते हुए सम्मान की बात कही, तो कुछ ने लगातार वैवाहिक बदलावों पर सवाल उठाए. प्रशासनिक पहचान और सख्त कार्यशैली अवि प्रसाद की पहचान केवल उनकी निजी जिंदगी तक सीमित नहीं है. वे मध्य प्रदेश शासन में एक भरोसेमंद और तेजतर्रार अधिकारी माने जाते हैं. फिलहाल वे मध्य प्रदेश रोजगार गारंटी परिषद के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं. इससे पहले वे कई जिलों में जिला पंचायत सीईओ और कलेक्टर रह चुके हैं. कटनी में कलेक्टर रहते हुए उन्होंने कुपोषण के खिलाफ विशेष अभियान चलाया था. उस समय जिले में बढ़ते कुपोषण के आंकड़ों ने सरकार की चिंता बढ़ा दी थी. अवि प्रसाद ने आंगनवाड़ी नेटवर्क की समीक्षा, स्वास्थ्य विभाग के समन्वय और जमीनी स्तर पर निगरानी को मजबूत करने जैसे कदम उठाए. उनके इस अभियान की राज्य स्तर पर सराहना हुई थी. कई बार उन्हें प्रशासनिक नवाचार और प्रभावी क्रियान्वयन के लिए सम्मानित भी किया जा चुका है. उनके समर्थक कहते हैं कि वे निर्णय लेने में देरी नहीं करते और फील्ड विजिट को प्राथमिकता देते हैं. तीसरी शादी को लेकर अवि प्रसाद की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है. न ही उन्होंने सोशल मीडिया पर कोई प्रतिक्रिया दी है.

त्योहार में लापरवाही पड़ेगी महंगी: होली पर बिना टिकट सफर करने वालों से वसूले जाएंगे दोगुने पैसे

 भोपाल कुछ ही दिनों में होली का सीजन शुरू होने वाला है और ट्रेनों में यात्रियों की भीड़ बढ़ना तय है। हर साल त्योहारों के दौरान बड़ी संख्या में लोग बिना टिकट या अनियमित तरीके से यात्रा करते पकड़े जाते हैं। भोपाल मंडल के पिछले दो वर्षों के आंकड़े बताते हैं कि अप्रैल-मई, अक्टूबर-नवंबर और जनवरी में सबसे ज्यादा मामले सामने आए। पिछले वर्ष त्योहारों में रिकॉर्ड वसूली हुई थी। इसी को देखते हुए रेलवे ने होली से पहले सख्त जांच अभियान चलाने की तैयारी की है। बिना टिकट यात्रा करने वालों से दोगुना किराया व जुर्माना वसूला जाएगा और जरूरत पड़ने पर कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी। जनवरी महीने में हुई सबसे ज्यादा कार्यवाही रेलवे के अनुसार वर्ष 2025-26 (जनवरी तक) में 5,19,949 मामलों में कार्रवाई की गई और 33.19 करोड़ रुपये से अधिक की वसूली हुई। यह आंकड़ा पिछले वर्ष की तुलना में 4.56 प्रतिशत अधिक है। इनमें करीब 2.56 लाख मामले बिना टिकट यात्रा के और 2.61 लाख मामले अनियमित यात्रा (गलत श्रेणी या दूरी से अधिक सफर) के शामिल हैं। इसके अलावा 2,414 बिना बुकिंग सामान (यूबीएल) के मामले भी दर्ज किए गए। जनवरी महीने में सबसे अधिक कार्रवाई दर्ज की गई, जो यह दर्शाता है कि सीजनल भीड़ के समय नियम उल्लंघन बढ़ जाता है। होली के दौरान बड़ी संख्या में लोग अपने गृह नगर लौटते हैं। कई बार सीट कंफर्म न होने या भीड़ के कारण यात्री बिना टिकट या सामान्य टिकट लेकर स्लीपर-एसी कोच में चढ़ जाते हैं। रेलवे प्रशासन का कहना है कि ऐसे मामलों पर विशेष चेकिंग अभियान चलाए जाते हैं। भीड़ बढ़ने पर टीटीई और फ्लाइंग स्क्वाड की तैनाती बढ़ा दी जाती है, ताकि नियमों का पालन सुनिश्चित किया जा सके। भोपाल मंडल के अधिकारियों के अनुसार बिना टिकट और अनियमित यात्रा के अधिकतर मामले लंबी दूरी की एक्सप्रेस ट्रेनों में सामने आते हैं, जहां त्योहारों के दौरान भीड़ अधिक रहती है। स्पेशल ट्रेनों पर निगरानी और रेलवे के सख्त दिशा-निर्देश होली और अन्य पर्वों पर चलाई जाने वाली स्पेशल ट्रेनों में भी विशेष निगरानी रखी जाती है। इन ट्रेनों में टीटीई और फ्लाइंग स्क्वाड की अतिरिक्त तैनाती कर सघन जांच अभियान चलाया जाता है। रेलवे ने कहा है कि बिना टिकट या गलत श्रेणी में यात्रा दंडनीय अपराध है। पकड़े जाने पर तय दूरी का किराया, अतिरिक्त जुर्माना या दोगुना किराया वसूला जाएगा। भुगतान न करने पर कानूनी कार्रवाई होगी। बिना बुकिंग सामान पर अलग पेनल्टी लगेगी। यात्रियों से वैध टिकट लेकर नियमों का पालन करने की अपील की गई है। होली के सीजन में बढ़ती भीड़ को देखते हुए भोपाल मंडल में बिना टिकट और अनियमित यात्रा के खिलाफ सघन जांच अभियान चलाया जाएगा। – नवल अग्रवाल, पीआरओ, भोपाल मंडल

मध्यप्रदेश में बिगड़ेगा मौसम: तेज आंधी और मूसलाधार बारिश से खतरे की आशंका

भोपाल मध्य प्रदेश में एक बार फिर मौसम करवट ले सकता है। वेस्टर्न डिस्टरबेंस (पश्चिमी विक्षोभ) के प्रभाव से 18 और 19 फरवरी को प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश होने की संभावना है। मौसम केंद्र भोपाल ने उत्तरी मध्य प्रदेश के 8 जिलों में वर्षा का अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में हो सकती है बारिश मौसम विभाग (IMD) के अनुसार ग्वालियर-चंबल और सागर संभाग के ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़ और छतरपुर जिलों में बारिश हो सकती है। इन जिलों और आसपास के क्षेत्रों में बादल छाए रहने की संभावना है। यदि यह पूर्वानुमान सही साबित होता है तो फरवरी महीने में यह तीसरी बार बारिश का दौर होगा। इससे पहले माह की शुरुआत में प्रदेश के कई हिस्सों में ओलावृष्टि, बारिश और आंधी से फसलों को भारी नुकसान हुआ था। सरकार ने प्रभावित क्षेत्रों में फसलों का सर्वे भी कराया था। पश्चिम विक्षोभ के कारण MP में बदलेगा मौसम… मौसम विभाग (IMD) ने बताया कि फिलहाल एक वेस्टर्न डिस्टरबेंस सक्रिय है, लेकिन उसका असर मुख्य रूप से पहाड़ी राज्यों में दिखाई दे रहा है, जहां बर्फबारी हो रही है। 16 फरवरी से एक नया सिस्टम उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित करेगा, जिसका असर मध्य प्रदेश में भी देखने को मिल सकता है। वर्तमान में प्रदेश में हल्की सर्दी का दौर जारी है। रात और सुबह के समय ठंड महसूस हो रही है, जबकि दिन में तापमान में हल्की बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। अधिकांश शहरों में रात का तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से ऊपर है। न्यूनतम तापमान पचमढ़ी का.. ताजा आंकड़ों के अनुसार पचमढ़ी में न्यूनतम तापमान 9.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। भोपाल में 14.2 डिग्री, इंदौर में 13.6 डिग्री, ग्वालियर में 12.8 डिग्री, उज्जैन में 15.7 डिग्री और जबलपुर में 14.6 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया। कटनी, सतना, शहडोल, छतरपुर और रीवा के कुछ इलाकों में पारा 10 से 11 डिग्री के बीच रहा। अगले दो दिन का पूर्वानुमान 16 फरवरी को कुछ जिलों में हल्का कोहरा रहेगा। बारिश का अलर्ट नहीं है, लेकिन दिन में बादल छा सकते हैं। 17 फरवरी को हल्का कोहरा रहेगा। बारिश की संभावना नहीं, हालांकि बादल छाए रहेंगे।

शहरों की बदलेगी तस्वीर: भोपाल-इंदौर मेट्रो समेत शहरी विकास योजनाओं पर खास फोकस

भोपाल मध्य प्रदेश का वित्तीय वर्ष 2026-27 का बजट 18 फरवरी को प्रस्तुत होगा। यह चार लाख, 70 हजार करोड़ रुपये के आसपास रह सकता है। इसमें कृषि के साथ नगरीय और ग्रामीण विकास पर फोकस रहेगा। अधोसंरचना के कामों की गति बढ़ाई जाएगी। भोपाल और इंदौर मेट्रोपालिटन, मेट्रो ट्रेन, प्रधानमंत्री आवास शहरी सहित अन्य योजनाओं के लिए प्रविधान रखे जाएंगे। वहीं, ग्रामीण विकास से जुड़ी योजनाओं पर भी फोकस रहेगा। विकसित भारत-जी राम जी, प्रधानमंत्री आवास, पंचायत एवं सामुदायिक भवन, जल संरचना आदि कार्यों के लिए राशि आवंटित की जाएगी।   शहरी क्षेत्र में 10 लाख आवास बनाने का लक्ष्य मिला है प्रदेश को अगले पांच साल में शहरी क्षेत्र में 10 लाख आवास बनाने का लक्ष्य मिला है। इसके लिए चरणबद्ध तरीके से राशि का प्रविधान होगा। वित्तीय वर्ष 2026-27 में केंद्र और राज्यांश मिलाकर पांच हजार करोड़ रुपये से अधिक राशि रखी जा सकती है। भोपाल और इंदौर मेट्रोपालिटन क्षेत्र घोषित हो चुके हैं। इसका काम आगे बढ़ाने के साथ मेट्रो ट्रेन के संचालन और आगे का काम पूरा करने के लिए प्रविधान किया जाएगा। अमृत मिशन में नगरीय निकायों को राशि दी जाएगी इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित जल से लोगों की मौत की घटना सामने आने के बाद पूरे प्रदेश में पेयजल आपूर्ति की व्यवस्था में सुधार की कवायद प्रारंभ हो गई है। इसके लिए अमृत मिशन में नगरीय निकायों को राशि दी जाएगी ताकि काम तेजी से पूरा हो सके। अधोसंरचना विकास के कामों के लिए भारत सरकार से मिलने वाली राशि को मिलाकर प्रविधान किया जाएगा। इसी तरह ग्रामीण क्षेत्र में भी अधोसंरचना विकास पर जोर रहेगा। इन योजनाओं पर भी सरकार खर्च करेगी राशि प्रधानमंत्री आवास, ग्रामीण सड़क, पंचायत एवं सामुदायिक भवन के साथ जल संरचनाओं के विकास, मुख्यमंत्री वृंदावन ग्राम, प्रधानमंत्री जनमन योजना, मध्याह्न भोजन, मुख्यमंत्री आवास मिशन के लिए राशि दी जाएगी। विकसित भारत जी राम जी योजना के लिए अब 40 प्रतिशत अंशदान के साथ प्रविधान करना होगा। योजना में चार हजार करोड़ रुपये से अधिक रखे जा सकते हैं।

न्याय की मांग तेज: शिवपुरी केस के विरोध में वकीलों की हड़ताल, सरकार को चेतावनी

जबलपुर शिवपुरी में शनिवार को एक अधिवक्ता की गोली मारकर हत्या से समूचे राज्य के वकील आक्रोशित हो गए हैं। सोमवार को पूरे प्रदेश के वकील न्यायिक कार्य से विरत रहकर प्रतिवाद दिवस मनाएंगे। यह निर्णय रविवार को एमपी स्टेट बार काउंसिल ने सर्वसम्मति से लिया है। इससे पहले रविवार को ही मप्र हाई कोर्ट बार, जिला बार और हाई कोर्ट एडवोकेट्स बार ने संयुक्त रूप से सोमवार को प्रतिवाद दिवस मनाने का निर्णय लिया था। दरअसल, करेरा तहसील के वकील संजय सक्सेना की शनिवार, 14 फरवरी की दोपहर की गोली मारकर हत्या कर दी थी। घटना के वक्त संजय सक्सेना काले कोट में अपने घर से कोर्ट जा रहे थे। घटना के बाद शिवपुरी पुलिस ने हत्याकांड में शामिल तीन आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया था।   सात दिनों का अल्टीमेटम, वरना सीएम हाउस का होगा घेराव स्टेट बार कौंसिल के चेयरमैन राधेलाल गुप्ता और वाइस चेयरमैन आरके सिंह सैनी ने कहा है कि एडवोकेट्स प्रोटेक्शन एक्ट को लागू कराने अब निर्णायक लड़ाई लड़ी जाएगी। गुप्ता के अनुसार रविवार को दोपहर को सभी सदस्यों की आनलाइन मीटिंग बुलाकर सोमवार को प्रतिवाद दिवस मनाने का निर्णय सर्वसम्मति से लिया गया। बैठक में सभी सदस्यों की सहमति से तय किया गया कि पूरे राज्य में वकीलों की सुरक्षा से जुड़े एडवोकेट्स प्रोटेक्शन एक्ट को लागू कराने राज्य सरकार को सात दिनों का अल्टीमेटम दिया जाएगा। इसके बाद भी सरकार कोई ठोस कदम नहीं उठाती तो फिर काउंसिल के नेतृत्व में प्रदेश के सवा लाख वकील भोपाल जाकर मुख्यमंत्री निवास का घेराव करेंगे। काउंसिल के वाईस चैयरमेन आरके सिंह सैनी ने बताया कि ऑनलाइन मीटिंग के अंत में सभी सदस्यों ने मृत अधिवक्ता संजय सक्सेना को शोक श्रद्धांजलि भी दी। वकीलों ने की ये मांगें स्टेट बार काउंसिल की बैठक से पहले रविवार को ही हाई कोर्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष डीके जैन, सचिव परितोष त्रिवेदी, जिला बार के अध्यक्ष मनीष मिश्रा, सचिव ज्ञान प्रकाश त्रिपाठी और हाईकोर्ट एडवोकेट्स बार के सचिव निखिल तिवारी की संयुक्त बैठक हुई। बैठक में निर्णय लिया है कि अधिवक्ता स्व. संजय सक्सेना के परिवार को एक करोड़ का मुआवजा, उनके आश्रित को सरकारी नौकरी, हत्या के आरोपितों पर कठोर कार्रवाई के साथ एडवोकेट्स प्रोटेक्शन एक्ट जल्द से जल्द लागूकिया जाए। चीफ जस्टिस को भेजी गई सूचना तीनों बार एसोसिएशनों ने सोमवार को मनाए जाने वाले प्रतिवाद दिवस की जानकारी हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस को भेजी है। एसोसिएशनों ने चीफ जस्टिस से आग्रह किया है कि उनकी ये मांगें जायज हैं। ऐसे में सोमवार को सुनवाई पर लगे मुकदमों को वकीलों की गैरहाजिरी में खारिज न किया जाए। वकील सोमवार को दोपहर साढ़े 12 बजे मुख्यमंत्री के नाम पर एक ज्ञापन जिला कलेक्टर को सौंपेंगे।   वर्षों से की जा रही मांग, मिला सिर्फ आश्वासन इस सम्बन्ध में हाईकोर्ट बार के अध्यक्ष डीके जैन ने कहा है कि वकीलों की सुरक्षा के लिए पिछले कई वर्षों से एडवोकेट्स प्रोटेक्शन एक्ट को लागू करने की मांग वकीलों द्वारा की जा रही है। एक बार तो भोपाल में वकीलों की महा-पंचायत बुलाकर एडवोकेट्स प्रोटेक्शन को जल्द से जल्द लागू करने का भरोसा भी दिलाया गया, लेकिन अभी तक नतीजा शून्य ही रहा है।

टिकट के लिए नहीं करनी पड़ेगी जद्दोजहद! होली पर 26 अतिरिक्त ट्रेनें चलेंगी, सफर होगा आसान

पटना होली को लेकर बिहार को जाने वाले यात्रियों को लेकर रेलवे शनिवार को एक बड़ी घोषणा किया है। होली में यात्रियों की भीड़ को देखते हुए पूर्व मध्य रेलवे ने कोलकाता और नई दिल्ली से बिहार के लिए 26 होली स्पेशल ट्रेनें चलाने का फैसला लिया है। ये ट्रेनें 20 फरवरी से 14 मार्च के बीच चलेगी। रेलवे ने होली में बिहार आने जाने वाले यात्रियों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं हो इसको लेकर शुरू किया गया है। रेलवे प्रशासन ने ट्रेनों की लिस्ट जारी करते समय यात्रियों से अपील किया है कि वे अपनी यात्रा से पहले ट्रेन की तिथि और समय की जानकारी आधिकारिक माध्यमों से अवश्य जांच लें। रेलवे ने होली को देखते हुए सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए हैं। कोलकाता से बिहार के लिए होली स्पेशल ट्रेन कोलकाता रूट पर रेलवे की ओर से हावड़ा जंक्शन-रक्सौल, सियालदह स्टेशन-मधुबनी और कोलकाता-मधुबनी के बीच स्पेशल ट्रेनें चलाने का फैसला लिया गया है। इन ट्रेनों के परिचालन से बिहार, झारखंड और राजस्थान के यात्रियों को लाभ मिलेगा।   03043 / 03044 और 03045/03046 हावड़ा-रक्सौल स्पेशल ट्रेन सीतामढ़ी, दरभंगा, समस्तीपुर, बरौनी और झाझा के रास्ते चलेगी। 03183 / 03184 सियालदह-मधुबनी स्पेशल। 03185 / 03186 और 03187/03188 कोलकाता-मधुबनी स्पेशल दरभंगा-समस्तीपुर-बरौनी-झाझा मार्ग से परिचालित होंगी।   08753/08754 दुर्ग-मधुबनी स्पेशल  03007 / 03008 हावड़ा-खातीपुरा (जयपुर) स्पेशल नई दिल्ली और आनंद विहार रूट बिहार के लिए होली स्पेशल ट्रेन 04070 / 04069 आनंद विहार-शेखपुरा 04054 / 04053 नई दिल्ली-बरौनी 04060 / 04059 नई दिल्ली-सुपौल  04010 / 04009 दिल्ली-सीतामढ़ी, 04014 / 04013 आनंद विहार-लौकहा बाजार  04066 / 04065 आनंद विहार-खोरधा रोड जंक्शन ये ट्रेनें गोरखपुर, छपरा, हाजीपुर, गया, गोमो और भुवनेश्वर जैसे प्रमुख स्टेशनों से होकर गुजरेंगी। हमसफर क्लोन एक्सप्रेस की समय बढ़ी रेलवे ने इसके साथ ही जयनगर-अमृतसर हमसफर क्लोन एक्सप्रेस (04651 / 04652) की परिचालन 1 मार्च से 31 मार्च तक बढ़ाने का फैसला किया है। इससे पंजाब में रह रहे मिथिलांचल के यात्रियों को विशेष सुविधा मिलेगी।

त्योहार से पहले ही फुल हुई ट्रेनें, भोपाल रूट पर वेटिंग लंबी; यात्रियों की बढ़ी चिंता

भोपाल होली का त्योहार नजदीक आते ही घर लौटने की चाह हर दिल में जाग उठती है। लोग अपनों के साथ रंगों की खुशियां बांटना चाहते हैं, लेकिन इस बार सफर आसान नहीं है। भोपाल से दिल्ली, मुंबई, बिहार और उत्तर प्रदेश जाने वाली कई प्रमुख ट्रेनों में कंफर्म टिकट मिलना बेहद मुश्किल हो गया है। इंदौर–पटना, कर्नाटका और हमसफर एक्सप्रेस सहित कई ट्रेनों में लंबी वेटिंग लिस्ट और रिग्रेट की स्थिति बनी हुई है। सीट न मिलने से यात्रियों को वैकल्पिक साधनों की तलाश करनी पड़ रही है, जिससे खर्च और परेशानी दोनों बढ़ गए हैं।   हर बार त्योहारों पर वही समस्या, कंफर्म सीट का संकट होली हो या दिवाली, बड़े त्योहारों के दौरान ट्रेनों में कंफर्म सीट न मिलना अब आम समस्या बन गई है। यात्रा की तारीख से करीब एक महीने पहले ही अधिकांश ट्रेनों में 'नो रूम' की स्थिति दिखाई देने लगती है। वेटिंग लिस्ट लंबी हो जाती है और कंफर्म टिकट मिलना मुश्किल हो जाता है। यात्रियों का कहना है कि हर साल त्योहारों के समय यही स्थिति बनती है। मजबूरी में लोगों को तत्काल टिकट का सहारा लेना पड़ता है, जहां भीड़ और अधिक रहती है। कई यात्रियों को घर पहुंचने के लिए बस, फ्लाइट या निजी वाहन जैसे महंगे विकल्प चुनने पड़ते हैं। यात्रियों की मांग है कि त्योहारों से पहले रेलवे को अतिरिक्त या स्पेशल ट्रेनों की घोषणा करनी चाहिए, ताकि भीड़ का दबाव कम हो सके और लोगों को समय पर कंफर्म सीट मिल सके। होली स्पेशल : भोपाल मंडल से चलेंगी 4 जोड़ी विशेष ट्रेनें होली पर्व पर यात्रियों की सुविधा हेतु भारतीय रेलवे ने देशभर में 1410 विशेष ट्रेनों का संचालन किया है, जिनमें पश्चिम मध्य रेल से 43 ट्रेनें शामिल हैं। भोपाल मंडल से रीवा-रानी कमलापति (02192/02191, 02186/02185), भोपाल–रीवा (01704/01703) तथा रानी कमलापति–दानापुर (01667/01668) स्पेशल ट्रेनें निर्धारित तिथियों पर चलाई जाएंगी। इन ट्रेनों के संचालन से त्योहार के दौरान अतिरिक्त भीड़ कम होगी और यात्रियों को सुगम यात्रा की सुविधा मिलेगी। इन ट्रेनों में 'रिग्रेट व नो रूम' की स्थिति     श्रीनगर-शिरड़ी-कालका सुपरफास्ट एक्सप्रेस (22455) 28 फरवरी से 5 मार्च तक इस ट्रेन में कंफर्म टिकट उपलब्ध नहीं है। यात्रियों को 'नो रूम' की स्थिति का सामना करना पड़ रहा है।     कर्नाटका एक्सप्रेस (12627) 28 फरवरी से 5 मार्च तक सभी प्रमुख श्रेणियों में कंफर्म टिकट नहीं मिल रहे हैं।     अहमदाबाद-सहरसा एक्सप्रेस (19483) 25 फरवरी से 2 मार्च तक स्लीपर, 2एसी और 3एसी श्रेणियों में 'रिग्रेट' की स्थिति है।     इंदौर-पटना एक्सप्रेस (19321) 25 फरवरी से 1 मार्च तक स्लीपर, 2एसी और 3एसी में सीटें फुल हैं और रिग्रेट दिखा रहा है।     अहमदाबाद-आसनसोल एक्सप्रेस (19435) 25 फरवरी से 5 मार्च तक सभी प्रमुख श्रेणियों में टिकट उपलब्ध नहीं है।     मंगला लक्षद्वीप सुपरफास्ट एक्सप्रेस (12618) 26 फरवरी से 2 मार्च तक रिग्रेट की स्थिति बनी हुई है।     हमसफर एक्सप्रेस (19092) 25 फरवरी से 5 मार्च तक टिकट बुकिंग में 'रिग्रेट' स्थिति दर्शाई जा रही है।

एमपी के टॉप पुलिस अधिकारियों की संपत्ति पर सवाल, दिल्ली में लग्जरी फ्लैट से करोड़ों की कमाई

भोपाल मध्य प्रदेश कैडर के एडीजी स्तर के कई अधिकारियों ने भोपाल में कृषि भूमि खरीदी है। कुछ अधिकारियों के पास दिल्ली में फ्लैट भी हैं, जिनसे उन्हें हर साल लाखों रुपये की आय हो रही है। यह जानकारी अधिकारियों द्वारा केंद्र सरकार को दिए गए अचल संपत्ति के ब्योरे में सामने आई है। किसके पास कितनी संपत्ति एडीजी एसएएफ चंचल शेखर के पास भोपाल में 11 हजार 325 वर्गफीट कृषि भूमि है। यह जमीन उन्होंने वर्ष 2009 में 10 लाख रुपये में अपने और पत्नी के नाम से खरीदी थी, जिसकी वर्तमान कीमत एक करोड़ 80 लाख रुपये है। दिल्ली के साउथ वेस्ट क्षेत्र में उनका एक फ्लैट है, जिसे वर्ष 2011 में 17 लाख रुपये में खरीदा गया था और जिसकी वर्तमान कीमत 65 लाख रुपये है। इस फ्लैट से उन्हें प्रतिवर्ष छह लाख 60 हजार रुपये की आय हो रही है।   इसके अलावा वर्ष 2017 में उन्होंने दिल्ली में ही एक करोड़ 70 लाख रुपये का एक और फ्लैट खरीदा, जिसकी वर्तमान कीमत भी उतनी ही है। यह फ्लैट उनके और पत्नी के नाम पर है और इससे उन्हें सालाना एक लाख 80 हजार रुपये की आय होती है। ए साई मनोहर के पास केवल एक संपत्ति एडीजी इंटेलिजेंस ए साई मनोहर के पास केवल एक संपत्ति है, जो दिल्ली में फ्लैट के रूप में है। उन्होंने वर्ष 2024 में यह फ्लैट तीन करोड़ 60 लाख रुपये में खरीदा था और इसकी वर्तमान कीमत भी उतनी ही है। इस संपत्ति से उन्हें प्रतिवर्ष 17 लाख 13 हजार रुपये की आय हो रही है। स्पेशल डीजी पंकज श्रीवास्तव के पास तीन अचल संपत्तियां हैं। इनमें उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में एक फ्लैट शामिल है, जिसे वर्ष 2012 में 40 लाख रुपये में अपने और पत्नी के नाम पर खरीदा गया था। इसकी वर्तमान कीमत सवा करोड़ रुपये है और इससे उन्हें प्रतिवर्ष एक लाख 75 हजार रुपये की आय होती है। संपत्ति का ब्योरा जमा कर दिया भारतीय प्रशासनिक सेवा के मध्य प्रदेश कैडर के अधिकारियों ने भी 31 जनवरी की स्थिति में अपनी संपत्ति का ब्योरा जमा कर दिया है, लेकिन इसे अभी सार्वजनिक नहीं किया गया है। इनकी संख्या लगभग 365 बताई गई है। संभावना है कि एक सप्ताह के भीतर इनकी अचल संपत्ति की जानकारी भी सार्वजनिक की जाएगी।