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उत्तर प्रदेश के पूर्व डीजीपी बृजलाल ने माफियाराज की भयावह कहानियां साझा कर सभी को किया स्तब्ध

जहां कभी माफिया मुख्तार अंसारी का था कब्ज़ा, वहीं आज गरीबों को मिला अपना घर — बृजलाल उत्तर प्रदेश के पूर्व डीजीपी बृजलाल ने माफियाराज की भयावह कहानियां साझा कर सभी को किया स्तब्ध   लखनऊ में ‘सरदार पटेल आवासीय योजना’ के लोकार्पण पर बोले पूर्व डीजीपी- सपा राज में थी अपराधियों की खुली बादशाहत – सीएम योगी के राज में खत्म हुआ माफियाराज, आज यूपी में कानून का राज कायम – पूर्व की सरकारों में डीजीपी कार्यालय के सामने तक माफियाओं का राज चलता था, प्रशासन अपराधियों के सामने बेबस था- पूर्व डीजीपी – 2005 में बीजेपी विधायक कृष्णानंद राय की हत्या की साजिश के पीछे भी मुख्तार अंसारी का था हाथ – कहा- तत्कालीन डीएसपी शैलेंद्र प्रताप सिंह ने कारतूस समेत जब्त किया था मुख्तार अंसारी की लाइट मशीन गन – बोले- समाजवादी पार्टी की सत्ता के दबाव में डीएसपी शैलेंद्र प्रताप सिंह को देना पड़ा था इस्तीफा – कृष्णानंद राय की हत्या में 600 गोलियां चलाई गईं, 67 गोलियां उन्हें लगीं, पर सरकार ने कुछ नहीं किया – सपा सरकार के संरक्षण में अपराधियों ने समानांतर सरकार चला रखी थी, अधिकारी भी करते थे सलाम – मऊ दंगे के दौरान मुख्तार खुलेआम राइफल लेकर खुलीगाड़ी में सड़कों पर घूम रहा था और सरकार आंखें मूंदे बैठी थी – मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की दृढ़ इच्छाशक्ति और ईमानदार शासन का परिणाम है कि आज यूपी से माफियाराज खत्म हो गया है – जहां कभी रंगदारी और अपहरण उद्योग चलता था, वहीं आज 40 लाख करोड़ रुपये से अधिक का निवेश आ रहा है- बृजलाल लखनऊ  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को राजधानी लखनऊ में माफिया से मुक्त कराई गई भूमि पर ‘सरदार वल्लभभाई पटेल आवासीय योजना’ का लोकार्पण किया। इस अवसर पर लखनऊ विकास प्राधिकरण द्वारा निर्मित दुर्बल आय वर्ग के 72 परिवारों को फ्लैट आवंटन पत्र वितरित किए गए। कार्यक्रम में राज्यसभा सांसद और उत्तर प्रदेश के पूर्व डीजीपी बृजलाल ने  माफियाराज की भयावह कहानियां साझा कर सभी को स्तब्ध कर दिया। उन्होंने कहा कि कैसे पूर्व समाजवादी पार्टी सरकार में माफिया खुलेआम गुंडागर्दी करते थे, पुलिस-प्रशासन सलाम ठोकता था और गरीब-व्यापारी असहाय थे। उन्होंने कहा कि आज जो भूमि गरीबों को आवास दे रही है, कभी यहां मुख्तार अंसारी जैसे माफियाओं का कब्ज़ा था। प्रदेश के पूर्व डीजीपी बृजलाल ने कहा कि एक समय था जब डीजीपी कार्यालय के सामने तक माफियाओं का राज चलता था। उन्होंने खुलासा किया कि पूर्व की सरकारों में पुलिस और प्रशासन अपराधियों के सामने बेबस था। मुख्तार अंसारी जैसे माफिया की दहशत ऐसी थी कि बड़े-बड़े पुलिस अधिकारी और आईएएस अधिकारी उसके घर जाकर सलाम करते थे। बीजेपी विधायक कृष्णानंद राय की हत्या की साजिश के पीछे था मुख्तार अंसारी पूर्व डीजीपी ने बताया कि वर्ष 2005 में बीजेपी विधायक कृष्णानंद राय की हत्या की साजिश के पीछे भी मुख्तार अंसारी का हाथ था। उन्होंने कहा कि जब मैं आईजी कानून-व्यवस्था था, तब जानकारी मिली कि मुख्तार ने कश्मीर से लाइट मशीन गन मंगाई है। हमारे डीएसपी शैलेंद्र प्रताप सिंह ने वह हथियार कारतूस समेत बरामद किया था, लेकिन सत्ता के दबाव में उन्हें इतना प्रताड़ित किया गया कि उन्होंने इस्तीफा देना पड़ा।  सपा सरकार के संरक्षण में अपराधियों ने समानांतर सरकार चला रखी थी बृजलाल ने कहा कि सपा सरकार के संरक्षण में अपराधियों ने समानांतर सरकार चला रखी थी। कृष्णानंद राय की हत्या में 600 गोलियां चलाई गईं, 67 गोलियां उन्हें लगीं, पर किसी ने कुछ नहीं किया। उन्होंने कहा कि मऊ दंगे के दौरान मुख्तार खुलेआम राइफल लेकर खुलीगाड़ी में सड़कों पर घूम रहा था और सरकार आंखें मूंदे बैठी थी। उन्होंने कहा कि आज मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में वह माफियागिरी समाप्त हो चुकी है। कुछ अपराधी मारे जा चुके हैं, कुछ जेल में हैं, कुछ प्रदेश छोड़ भाग गए हैं और कुछ अब माला जप रहे हैं। योगी सरकार में कानून का राज स्थापित हुआ है, इसलिए आज निवेशक भी उत्तर प्रदेश पर भरोसा कर रहे हैं। कभी जहां रंगदारी और अपहरण उद्योग चलता था, वहीं आज 40 लाख करोड़ रुपये से अधिक का निवेश आ रहा है। बृजलाल ने सीएम योगी को दिया धन्यवाद, कहा- जब कानून व्यवस्था दुरुस्त होती है, तभी विकास होता है बृजलाल ने गरीब लाभार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि जहां कभी माफियाओं के गैंग का अड्डा था, आज वहां 72 गरीब परिवारों के सपनों का घर बस रहा है। यह बदलाव योगी आदित्यनाथ की दृढ़ इच्छाशक्ति और ईमानदार शासन का परिणाम है। उन्होंने कहा कि जब कानून व्यवस्था दुरुस्त होती है, तभी विकास होता है। योगी सरकार ने यूपी को अपराध और अराजकता से मुक्त कर निवेश, विकास और सुशासन का प्रतीक बना दिया है।

दोस्ती की मिसाल: उधार से खरीदी टिकट पर लगी 11 करोड़ की लॉटरी, दोस्त को देगा हिस्सा

कोटपूतली-बहरोड़ कहते हैं किस्मत कब, कहां और कैसे पलट जाए, कोई नहीं जानता। ऐसा ही वाकया हुआ कोटपूतली के एक साधारण सब्जी विक्रेता के साथ, जो पंजाब राज्य लॉटरी के दिवाली बम्पर 2025 के पहले इनाम का विजेता बने। किस्मत के इस धनी का नाम कोटपूतली निवासी अमित सेहरा है। 32 वर्षीय अमित की आमदनी रोज सड़क किनारे सब्जी की रेहड़ी लगाकर होती थी लेकिन अब उनकी जिंदगी पूरी तरह बदल चुकी है। जानकारी के अनुसार अमित सेहरा ने यह लॉटरी टिकट बठिंडा से 500 रुपये में खरीदी थी, जिस पर 31 अक्टूबर की शाम लुधियाना में निकाले गए ड्रॉ में पहला इनाम निकला, जिसके इनाम के रूप में उन्हें 11 करोड़ रुपये की राशि मिली है। इस बड़ी जीत के बाद अमित अपने परिवार सहित बुधवार को बठिंडा पहुंचे, जहां उन्होंने दावा प्रक्रिया पूरी की। अमित ने बताया कि उन्हें अब भी यकीन नहीं हो रहा कि किस्मत ने इतनी बड़ी खुशखबरी दी है। उन्होंने कहा कि वे इस धनराशि का उपयोग परिवार की जरूरतों को पूरा करने, बच्चों की पढ़ाई और एक बेहतर जीवन जीने की दिशा में करेंगे। इस खुशखबरी के बाद कोटपूतली में अमित के घर और मोहल्ले में जश्न जैसा माहौल है। लोग लगातार उन्हें बधाई देने पहुंच रहे हैं और इस बात की चर्चा कर रहे हैं कि मेहनतकश इंसान की किस्मत कैसे एक पल में पलट गई। उल्लेखनीय है कि दिवाली बम्पर लॉटरी में दूसरे इनाम के तौर पर 1 करोड़ रुपये और तीसरे इनाम के रूप में 50 लाख रुपये का प्रावधान था लेकिन कोटपूतली के अमित ने 11 करोड़ की बड़ी जीत हासिल की।

सीएम हेमंत सोरेन बोले – कार्तिक पूर्णिमा और गुरु नानक जयंती समाज में प्रेम और एकता का संदेश देती हैं

रांची आज यानी 5 नवंबर को देशवासी कार्तिक पूर्णिमा और प्रकाश पर्व मना रहे हैं। वहीं, सीएम हेमंत ने कार्तिक पूर्णिमा और गुरु नानक देव जी के प्रकाश पर्व के अवसर पर सभी को बधाई दी है। सीएम हेमंत ने सोशल मीडिया एक्स पर लिखा, "कार्तिक पूर्णिमा और देव दीपावली के शुभ अवसर पर सभी को हार्दिक शुभकामनाएं और जोहार। आप सभी का जीवन समृद्ध, स्वस्थ और खुशहाल हो, यही कामना करता हूं।" वहीं, सीएम हेमंत ने एक और ट्वीट कर लिखा, "सेवा, सत्य, मानवता, समानता और करुणा की शिक्षा देने वाले श्री गुरु नानक देव जी के प्रकाश पर्व के शुभ अवसर पर सभी को लख-लख बधाइयां।" बता दें कि हिंदू धर्म में कार्तिक पूर्णिमा का विशेष महत्व बताया गया है। कहते हैं कि इस दिन दान-स्नान करने वालों पर भगवान की विशेष कृपा रहती है। कार्तिक पूर्णिमा पर ही देव दिवाली का भी पर्व मनाया जाता है। ऐसा कहते हैं कि देव दिवाली पर देव लेक से देवी-देवता धरती पर दिवाली मनाने काशी के घाट आते हैं। इस दिन लक्ष्मी नारायण और भगवान शिव की पूजा का भी विधान है। वहीं, आज गुरु नानक देव की 556वीं जयंती भी मनाई जा रही है। गुरु नानक जयंती तो गुरु पर्व के नाम से भी जाना जाता है, जो कि सिखों का सबसे खास पर्व होता है। इस दिन को प्रकाश पर्व के रूप में भी मनाया जाता है। गुरु नानक देव जी की करुणा, सद्भाव और सत्य की शिक्षाएं आज भी करोड़ों लोगों के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं। गुरु नानक देव के उपदेश हमें इंसानियत और समानता का रास्ता दिखाते हैं। इस दिन देशभर के गुरुद्वारों को दीपों से सजाया जाता है, सुबह-सुबह नगर कीर्तन निकाले जाते हैं और जगह-जगह लंगर के रूप में सामूहिक सेवा की जाती है।  

नईमा केस का खुलासा: 5वीं पास महिला की इमाम से शादी, नौकरी करने के बाद हुई हत्याकांड की गुत्थी सुलझी

मेरठ   मेरठ में 17 सितंबर को गंगनहर पटरी के पास एक बुर्का पहने अज्ञात महिला का शव मिला था. अब पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा करते हुए हत्या के आरोप में महिला के इमाम पति शहजाद और उसके साथी नदीम अंसारी को गिरफ्तार किया है. हत्या की वजह पति द्वारा दूसरी शादी में धोखा देना और पहली पत्नी से मिलने पर रोक लगाना था.  आपको बता दें कि असम की नईमा यासमीन को जब पति के धोखे (पहले से शादीशुदा और इमाम होने की बात) का पता चला, तो विवाद बढ़ने लगा. इसके बाद शहजाद ने नईमा को रास्ते से हटाने की योजना बनाई. इसके लिए उसने एक और व्यक्ति को शामिल किया.  एसएसपी विपिन ताडा ने बताया कि मुजफ्फरनगर के चरथावल मस्जिद में इमाम का काम करने वाला शहजाद (सिर्फ 5वीं पास), असम की शिक्षित और मल्टीनेशनल कंपनी में काम कर चुकी नईमा यासमीन से सोशल मीडिया पर मिला. शहजाद ने खुद को कपड़ों का व्यापारी बताया और उससे प्रेम प्रसंग के बाद शादी कर ली, जबकि वह पहले से शादीशुदा था और उसके तीन बच्चे थे.  लेकिन सच्चाई सामने आने के बाद नईमा, शहजाद पर धोखाधड़ी का आरोप लगाने लगी और उसे उसकी पहली पत्नी से मिलने से रोकने लगी, जिसके कारण शहजाद ने पत्नी को मारने का फैसला किया.  जूस में नींद की गोलियां, फिर छूरी से गला काटा हत्या की साजिश के तहत शहजाद ने अपने दोस्त नदीम को ₹12,000 दिए. योजना के मुताबिक, 16 सितंबर को दोनों नईमा को शॉपिंग के बहाने मेरठ लाए. वहां उन्होंने नईमा के जूस में नींद की गोलियां मिलाकर पिला दीं. जब वह अर्धबेहोशी की हालत में थी, तो उसे सिवाल खास जंगल के पास खेत में ले गए.  दोनों आरोपी गिरफ्तार एसएसपी के अनुसार, वहां नदीम ने रस्सी से उसका गला घोंटा और फिर शहजाद ने छूरी से गला काटकर उसकी हत्या कर दी. हत्या के बाद शहजाद ने गुमराह करने के लिए मुजफ्फरनगर में पत्नी की गुमशुदगी की रिपोर्ट भी दर्ज कराई थी.  हत्या में प्रयुक्त सामान बरामद, पुलिस टीम को इनाम मेरठ पुलिस ने पति के इतने दिन बाद गुमशुदगी दर्ज कराने पर शक होने के बाद जब उससे पूछताछ की तो पूरे हत्याकांड का खुलासा हो गया. पुलिस ने गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों के कब्जे से घटना में इस्तेमाल की गई छूरी और रस्सी बरामद कर ली है. एसएसपी विपिन ताडा ने इस सनसनीखेज खुलासे को करने वाली पुलिस टीम को ₹25,000 का इनाम देने की घोषणा की है. 

कपूरथला पुलिस में शिकायत, पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष राजा वड़िंग पर FIR दर्ज

कपूरथला पंजाब पुलिस ने पूर्व गृह मंत्री बूटा सिंह के बेटे की शिकायत पर पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। बूटा सिंह के बेटे सरबजोत सिंह सिद्धू ने एसएसपी कपूरथला को एक शिकायत दी थी जिसके आधार पर एफआईआर दर्ज की गई है।पंजाब कांग्रेस प्रधान अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग की ओर से दिवंगत केंद्रीय गृह मंत्री और दलित नेता बूटा सिंह पर की अभद्र टिप्पणी की गई थी।  राष्ट्रीय आयोग ने वड़िंग पर कार्रवाई की सात दिन में मांगी रिपोर्ट इससे पहले राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग ने डीसी तरनतारन से वड़िंग पर की गई कार्रवाई की सात दिन में रिपोर्ट मांगी है। आयोग ने कहा कि अगर तय समय में रिपोर्ट नहीं दी गई तो डीसी को तलब किया जाएगा। भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव तरुण चुग के आरोपों पर आयोग ने संज्ञान लिया है। रिपोर्ट में विभिन्न धाराओं के तहत दर्ज एफआईआर और गिरफ्तारी के संबंध में विवरण मांगा गया है। इसी तरह पंजाब राज्य अनुसूचित जाति आयोग ने रिटर्निंग अधिकारी तरनतारन की रिपोर्ट को असंतोषजनक पाए जाने पर जिला चुनाव अधिकारी व डीसी तरनतारन को 6 नवंबर को पेश होने के आदेश दिए हैं। आयोग ने यह जानकारी भी जिला चुनाव अधिकारी से मांगी है कि आचार संहिता के अनुपालन के लिए वड़िंग को जिले की सीमा से बाहर क्यों नहीं किया गया। आयोग के चेयरमैन जसवीर सिंह गढ़ी ने बताया कि सहायक रिटर्निंग अधिकारी व नायब तहसीलदार जसविंदर सिंह ने मंगलवार को आयोग को पेश रिपोर्ट संतोषजनक नहीं पाई गई जिसके चलते जिला चुनाव अधिकारी को तलब किया गया है। इससे पहले वड़िंग को भी 6 नवंबर को आयोग के समक्ष पेश होने के लिए तलब किया जा चुका है। गढ़ी ने बताया कि सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में वड़िंग ने दिवंगत बूटा सिंह के प्रति रंग और नस्ल के आधार पर आपत्तिजनक टिप्पणी की है। मामले को रफा दफा करने के लिए मांगी माफी : चीमा वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि मामले को रफा दफा करने के लिए वड़िंग ने माफी मांगी है। आम आदमी पार्टी का लीगल सेल इसमें एससी/एसटी एक्ट के तहत कानूनी कार्रवाई की तैयारी कर रहा है। चीमा मंगलवार को पंजाब भवन में प्रेसवार्ता को संबोधित कर रहे थे। चीमा ने कहा कि वड़िंग ऑल इंडिया यूथ कांग्रेस के पूर्व प्रधान, तीन बार विधायक और कैबिनेट मंत्री रह चुके हैं और वर्तमान में सांसद हैं। यह टिप्पणी गलती नहीं बल्कि जातिवादी अहंकार से प्रेरित अपराध है। उन्होंने कहा कि यह पहला मौका नहीं है। इससे पहले भी कांग्रेस नेता दलितों के अपमान वाले बयान देते रहे हैं। चीमा ने मांग की कि कांग्रेस तुरंत वड़िंग को पार्टी से निष्कासित करें नहीं तो उनकी दलित-विरोधी मानसिकता की पुष्टि होगी। कैबिनेट मंत्री हरभजन सिंह ईटीओ ने कहा कि राजा वड़िंग द्वारा की गई रंग-आधारित टिप्पणी संविधान का उल्लंघन है। यह बयान राजा वड़िंग की अनुसूचित जातियों के प्रति सोच को दर्शाता है। 

रेल दुर्घटना का दर्दनाक मंज़र: 11 की मौत, 20 गंभीर — पहचाने गए 5 मृतकों के नाम व फोटो जारी

बिलासपुर छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में मंगलवार को हुए भीषण रेल हादसे ने पूरे प्रदेश को शोक में डुबो दिया है। लाल खदान स्टेशन के पास गाड़ी संख्या 68733 गेवरारोड-बिलासपुर मेमू लोकल ट्रेन और मालगाड़ी की टक्कर में अब तक 11 यात्रियों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि 20 लोग गंभीर रूप से घायल हैं। हादसे में मृतकों की पहचान का सिलसिला जारी है और अब तक पांच यात्रियों के नाम और तस्वीरें सामने आई हैं, जिनमें लोको पायलट, छात्रा और अन्य यात्री शामिल हैं। मृतकों के नाम और पहचान मृतकों में लोको पायलट विद्या सागर, प्रमिला वस्त्रकार, अंकित अग्रवाल, प्रिया चंद्रा और शीला यादव के नाम की पुष्टि हुई है। मृतका शीला यादव देवरी खुर्द के बहनिया मंदिर के पास रहने वाली थीं, जबकि प्रिया चंद्रा गुरु घासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय (GGU) की बीएससी फाइनल ईयर की छात्रा थीं। वह सक्ती जिले के बहेराडीह की निवासी थीं। इनकी मौत की खबर सुनते ही परिजनों में मातम छा गया है। हादसे में लोको पायलट विद्या सागर की मौके पर ही मौत हो गई, वहीं सहायक लोको पायलट रश्मि राज गंभीर रूप से घायल हैं। उन्हें अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हादसे के दौरान मालगाड़ी के ट्रेन मैनेजर शैलेश चंद्रा ने तेज गति से आती मेमू ट्रेन को देखकर गाड़ी से कूदकर अपनी जान बचाई। लगभग 10 घंटे तक चला रेस्क्यू ऑपरेशन रेलवे और स्थानीय प्रशासन की टीम ने रेल हादसे के बाद लगभग 10 घंटे तक रेस्क्यू अभियान चलाया, जो बुधवार तड़के तक चला। मंगलवार देर रात तक हैवी क्रेन की मदद से क्षतिग्रस्त बोगी को हटा लिया गया। रात 3 बजे तक शवों को बाहर निकालने का काम चला। जिसके बाद मुंबई-हावड़ा रेल लाइन पर यातायात बहाल कर दिया गया है। साथ ही अप, डाउन और मिडल लाइन को क्लियर कर दिया गया है। अब रेल यातायात पूरी तरह से बहाल कर दिया गया है। घायल यात्रियों के नाम इस रेल हादसे में घायल हुए यात्रियों के नाम सामने आये हैं। इस सूची में 20 लोगों के नाम शामिल हैं।     मथुरा भास्कर, स्त्री, आयु 55 वर्ष     चौरा भास्कर, पुरुष, आयु 50 वर्ष     शत्रुघ्न, पुरुष, आयु 50 वर्ष     गीता देबनाथ, स्त्री, आयु 30 वर्ष     मेहनिश खान, स्त्री, आयु 19 वर्ष     संजू विश्वकर्मा, पुरुष, आयु 35 वर्ष     सोनी यादव, स्त्री, आयु 25 वर्ष     संतोष हंसराज, पुरुष, आयु 60 वर्ष     रश्मि राज, स्त्री, आयु 34     ऋषि यादव, आयु 2 वर्ष     तुलाराम अग्रवाल, पुरुष, आयु 60 वर्ष     अराधना निषाद, स्त्री, आयु 16 वर्ष     मोहन शर्मा, पुरुष, आयु 29 वर्ष     अंजूला सिंह, स्त्री, आयु 49 वर्ष     शांता देवी गौतम, स्त्री, आयु 64 वर्ष     प्रीतम कुमार, पुरुष, आयु 18 वर्ष     शैलेश चंद्र, पुरुष, आयु 49 वर्ष     अशोक कुमार दीक्षित, पुरुष, आयु 54 वर्ष     नीरज देवांगन, पुरुष, आयु 53 वर्ष     राजेंद्र मारुति बिसारे, पुरुष, आयु 60 वर्ष मुआवजे का ऐलान बिलासपुर रेल हादसा में प्रभावित लोगों को मुआवजे का ऐलान किया गया है। रेलवे ने मृतक के परिवार को 10 लाख और गंभीर घायलों को 5 लाख, सामान्य घायलों को एक लाख रुपये देने की घोषणा की है। सीएम साय ने किया मुआवजे का ऐलान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने घोषणा की है कि इस हादसे में मृतक के परिजनों को 5 लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। वहीं घायलों को 50 हजार रुपए की सहायता राशि दी जाएगी। CRS स्तर पर होगी जांच बिलासपुर रेल हादसे की जांच रेलवे सुरक्षा आयुक्त (Commissioner of Railway Safety – CRS) स्तर पर कराई जाएगी। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, दुर्घटना गटौरा और बिलासपुर के बीच सिग्नल या लाइन-स्विचिंग से जुड़ी तकनीकी त्रुटि के चलते हुई बताई जा रही है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी बाकी है।

म.प्र. लोक सेवा आयोग का 68वां वार्षिक प्रतिवेदन राज्यपाल पटेल को भेंट किया गया

राज्यपाल  पटेल को म.प्र. लोक सेवा आयोग का 68वां वार्षिक प्रतिवेदन किया भेंट म.प्र. लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष और सदस्यों ने राजभवन में की सौजन्य भेंट भोपाल राज्यपाल  मंगुभाई पटेल से मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष डॉ. राजेशलाल मेहरा, सदस्य डॉ. नरेन्द्र कोष्ठी, सचिव मती राखी सहाय और परीक्षा नियंत्रक डॉ. वी. के. गुप्ता ने राजभवन में सौजन्य भेंट की। उन्होंने राज्यपाल  पटेल को आयोग का 68वां वार्षिक प्रतिवेदन भेंट किया। राज्यपाल  पटेल को आयोग के अध्यक्ष डॉ. मेहरा ने बताया कि आयोग द्वारा वर्ष 2024-25 में राज्य शासन के विभिन्न विभागों के लिए 5 हजार 581 पदों हेतु 71 विज्ञापन जारी किये गये। आयोग द्वारा राज्य सेवा परीक्षा एवं राज्य वन सेवा परीक्षा 2023, 2024 और 2025 की प्रारंभिक और मुख्य परीक्षा का आयोजन किया गया। आयोग द्वारा द्विस्तरीय परीक्षाओं और राज्य पात्रता परीक्षा का आयोजन भी किया गया। लोक सेवा आयोग द्वारा वर्ष 2024-25 में विभिन्न विभागों के पदों के लिए 6 हजार 260 अभ्यार्थियों को साक्षात्कार के लिए आमंत्रित किया गया। कुल 1 हजार 479 पदों पर अभ्यर्थियों का चयन कर शासन को अनुशंसा भेजी गई। मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष डॉ. मेहरा ने बताया कि आयोग द्वारा उत्तरोत्तर गुणवत्ता संवर्धन और अभ्यर्थियों को आयोग की विभिन्न गतिविधियों की उपयोगी जानकारी प्रदान करने के उद्देश्य से नवाचार के क्रम में ई-न्यूज लेटर ‘संवदिया’ का प्रकाशन किया गया। विभिन्न भर्ती परीक्षाओं के गोपनीय कार्यों के लिए विषय विशेषज्ञ आमंत्रित करने ‘विषय विशेषज्ञ पोर्टल’ प्रारंभ किया गया है। इसी प्रकार राज्य सेवा मुख्य परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओं को स्कैनिंग कर ऑनस्क्रीन मार्किंग के माध्यम से मूल्यांकन कार्य किया जा रहा है।  

मुख्यमंत्री ने भारत रत्न डॉ. भूपेन हजारिका की पुण्यतिथि पर उन्हें किया नमन

रायपुर, उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन, राज्यपाल रमेन डेका एवं  मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज राजभवन में आधुनिक असम के सांस्कृतिक क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान देने वाले बहुमुखी प्रतिभा के धनी, भारत रत्न डॉ. भूपेन हजारिका जी की पुण्यतिथि पर उन्हें नमन करते हुए पुष्पांजलि अर्पित की। इस अवसर पर राज्य की प्रथम महिला श्रीमती रानी डेका काकोटी, राज्यपाल के सचिव डॉ. सी. आर प्रसन्ना एवं राजभवन के अधिकारियों-कर्मचारियों ने श्री हजारिका के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी।

रहस्यमयी कुटुमसर गुफा का आगाज — पर्यटन सीजन की धमाकेदार शुरुआत

बस्तर कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान क्षेत्र में स्थित विश्व प्रसिद्ध कुटुमसर गुफा शनिवार से पर्यटकों के लिए खोल दी गई है. हर साल की तरह इस बार भी बारिश के मौसम में जलभराव और सुरक्षा कारणों से गुफा को अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया था. अब मानसून समाप्त होने के बाद इसे फिर से पर्यटकों के लिए खोला गया है. शनिवार को खुलने के पहले ही दिन बड़ी संख्या में पर्यटक कुटुमसर गुफा का मनमोहक नजारा देखने पहुंचे. वन विभाग के आंकड़ों के अनुसार, हर वर्ष लाखों पर्यटक कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान के घने जंगलों के बीच स्थित इस अद्भुत गुफा को देखने आते हैं. इस साल भी पर्यटकों की भारी आमद की उम्मीद जताई जा रही है. कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान में स्थित कुटुमसर गुफा अपने अद्वितीय प्राकृतिक सौंदर्य, चूना पत्थर की संरचना और रहस्यमय वातावरण के लिए प्रसिद्ध है. यह गुफा छत्तीसगढ़ पर्यटन का एक प्रमुख आकर्षण मानी जाती है. सतीश चंद्रदास, महासमुंद जिला – “कुटुमसर गुफा का प्राकृतिक नज़ारा वाकई अद्भुत है, हर किसी को यहां आना चाहिए.” प्रेमीचंद साहू, रायपुर – “यह जगह बहुत खूबसूरत और अनोखी है, यहां आकर मन को शांति मिलती है.”

देवी-देवताओं पर विवादित टिप्पणी: रागी हरजीत सिंह ने हाईकोर्ट में पेश की माफी

 अंबाला   देवी देवताओं के खिलाफ टिप्पणी करने वाले रागी हरजीत सिंह ने हाईकोर्ट में बिना शर्त माफी मांग ली है। उनके खिलाफ अंबाला शहर में एफआईआर दर्ज हुई थी। एंटी टेरेरिस्ट फ्रंट इंडिया व विश्व हिन्दु तख्त प्रमुख वीरेश शांडिल्य ने बताया कि प्रचारक बठिंडा निवासी रागी हरजीत सिंह ने 2017 में देवी देवताओं के बारे में इंटरनेट मीडिया पर टिप्पणी की थी, जिसमें सनातन धर्म की छवि खराब की थी। इस पर शांडिल्य ने अंबाला के पूर्व पुलिस कमिश्नर आरसी मिश्रा को हरजीत सिंह रागी के खिलाफ शिकायत दी थी जिसकी जांच के बाद अंबाला शहर थाना में पुलिस ने हरजीत सिंह रागी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी। पुलिस ने हरजीत सिंह को गिरफ्तार किया था। रागी ने उनके द्वारा दर्ज करवाई एफआईआर को रद करवाने को लेकर हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी, लेकिन वह याचिका हाईकोर्ट ने रद कर दी थी। शांडिल्य ने बताया कि रागी ने हिन्दु सिख भाई चारे को मजबूत करने को लेकर समाज के कुछ लोगों को बीच में डाला और उनसे बातचीत की। सार्वजनिक तरीके से रागी ने देवी देवताओं सहित सनातनियों से माफी मांगते हुए कहा कि वह गलती से अपशब्दों का इस्तेमाल कर गए। पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट में याचिका दायर कर लिखित में बिना शर्त माफी मांगी। हाईकोर्ट ने अंबाला शहर की संबंधित अदालत को शांडिल्य व रागी हरजीत सिंह के बयान दर्ज करवाने के आदेश दिए। शांडिल्य अपने वकील सुमित शर्मा, शुभम मल्होत्रा के साथ कोर्ट में पेश हुए। जहां बयान दर्ज करवाए। भाई चारा मजबूत रहे इसलिए हरजीत सिंह रागी को माफ कर रहे हैं, क्योंकि सिखों के नौवें गुरु तेग बहादुर ने ब्राह्मण समाज के तिलक की रक्षा के लिए शीश दिया। दसवें गुरु ने अपना सब कुछ वार दिया। हरजीत सिंह रागी व उसके वकील भी मौजूद रहे।