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देशभर के राइडर्स का जगदलपुर में जमावड़ा, छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल की पहल से बस्तर को मिली नई पहचान

रायपुर देशभर के राइडर्स का जगदलपुर में जमावड़ा, छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल की पहल से बस्तर को मिली नई पहचान बस्तर की धरती एक बार फिर रोमांच, ऊर्जा और सांस्कृतिक रंगों से सराबोर नजर आई, जब बस्तर राइडर्स मीट 2026 का भव्य आयोजन गरुड़ा राइडर क्लब के तत्वावधान में किया गया। देश के विभिन्न राज्यों से आए बाइकर्स और एडवेंचर प्रेमियों ने इस आयोजन को यादगार बना दिया। देशभर के राइडर्स का जगदलपुर में जमावड़ा, छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल की पहल से बस्तर को मिली नई पहचान इस आयोजन में बाइक स्टंट्स, राइडिंग शो और एडवेंचर एक्टिविटीज ने युवाओं में जबरदस्त उत्साह भर दिया। राइडर्स ने अपनी बेहतरीन स्किल्स का प्रदर्शन करते हुए दर्शकों को रोमांचित कर दिया। जहां एक ओर एडवेंचर का जोश था, वहीं दूसरी ओर बस्तर की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत भी पूरे शबाब पर दिखी। लोकनृत्य, संगीत और पारंपरिक प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम में चार चांद लगा दिए। यह आयोजन आधुनिकता और परंपरा का बेहतरीन संगम बनकर उभरा। कार्यक्रम में उन प्रभावशाली व्यक्तित्वों को सम्मानित किया गया, जिन्होंने बस्तर की पहचान को सकारात्मक रूप से आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। इसमें इन्फ्लुएंसर्स, कलाकार, लेखक और सामाजिक कार्यकर्ता शामिल रहे। इस आयोजन में छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल  द्वारा होटल एम्बिशन में विशेष स्टॉल लगाया गया, जहां बस्तर के प्रमुख पर्यटन स्थलों, संस्कृति और स्थानीय उत्पादों की जानकारी दी गई। यह पहल राज्य सरकार की उस सोच को दर्शाती है, जिसके तहत स्थानीय पर्यटन को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का प्रयास किया जा रहा है। छत्तीसगढ़ सरकार लगातार बस्तर जैसे आदिवासी अंचलों को विकास और पहचान दिलाने के लिए प्रयासरत है। इस प्रकार के आयोजन न केवल पर्यटन को बढ़ावा देते हैं, बल्कि स्थानीय युवाओं को रोजगार और अवसर भी प्रदान करते हैं। सरकार की योजनाओं और पर्यटन मंडल की सक्रिय भागीदारी से बस्तर आज एक उभरते पर्यटन एवं एडवेंचर हब के रूप में सामने आ रहा है। बस्तर अब केवल अपनी प्राकृतिक सुंदरता के लिए ही नहीं, बल्कि एडवेंचर और सांस्कृतिक पर्यटन के लिए भी तेजी से उभर रहा है।

पर्यावरण संरक्षण और संवर्धन के लिए लगाएं पौधे

रायपुर राज्यपाल  रमेन डेका ने रविवार को जिला पंचायत के सभाकक्ष में जिला स्तरीय अधिकारियों और जशपुर विकासखंड के अधिकारियों की समीक्षा बैठक ली। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण और संवर्धन के लिए अधिक से अधिक पेड़ लगाने के लिए प्रोत्साहित किए एक पेड़ मां के नाम अभियान का बेहतर क्रियान्वयन करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने जिले के संभावित टीबी मरीजों की जानकारी ली और मुख्य चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी को मरीजों का बेहतर इलाज करवाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि महिलाओं के स्तन कैंसर की भी विशेष जांच और इलाज की सुविधा उपलब्ध कराए जाए मरीजों को मेडिकल कॉलेज रायपुर अम्बिकापुर और एम्स रायपुर भेजकर ईलाज की सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। राज्यपाल  रमेन डेका ने सिकल सेल बीमारी और रेड क्रॉस सोसायटी की गतिविधियों की भी जानकारी ली ‌। उन्होंने कहा कि रेड क्रॉस सोसायटी विशेष पिछड़ी जनजाति बसाहटों और गांव गांव में स्वास्थ्य शिविर लगाने के निर्देश दिए हैं। इस अवसर पर कलेक्टर  रोहित व्यास वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ.लाल उमेद सिंह, जिला पंचायत सीईओ  अभिषेक कुमार, वनमंडला अधिकारी  शशि कुमार और जिला स्तरीय और विकास खंड अधिकारी उपस्थित थे। उन्होंने विशेष पिछड़ी जनजाति पहाड़ी कोरवा और बिरहोर परिवार के लिए प्रत्येक माह मेडिकल कैंप लगाकर स्वास्थ्य परीक्षण करने के लिए कहा है और उनके जीवन शैली में बदलाव लाने के लिए शिक्षा की मुख्य धारा से जोड़ने के निर्देश दिए हैं।  उन्होंने विशेष पिछड़ी जनजाति बसाहटों में शाम के समय विभिन्न गतिविधियों में शामिल करके उनका बौद्धिक और कौशल विकास करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने जिले में नावाचार को भी बढ़ावा देने के लिए कहा है और संरक्षित जनजाति परिवारों के लिए पायलेट प्रोजेक्ट चालू करने के निर्देश दिए हैं।   राज्यपाल  रमेन डेका ने बच्चों को नशापान से दूर रखने के लिए विशेष प्रयास करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने समीक्षा के दौरान जशपुर जिले की लखपति दीदी मती लालमणि प्रजापति को सम्मानित करने की बात कही उन्होंने कहा लखपति दीदी ने बढ़िया काम किया है उन्हें राजभवन में सम्मानित किया जाएगा। राज्यपाल  रमेन डेका ने जशपुर जिले के स्व सहायता समूह की महिलाओं का आत्मनिर्भर बनाने के लिए और हस्तकला में पारंगत बनाने के लिए समूहों की दीदियों को आसाम और उड़ीसा राज्य भेजने के निर्देश दिए है‌ ताकि समूह की महिलाएं बाजार की मांग के अनुसार नया डिजाइन के साड़ी,साल और अन्य सामग्री तैयार कर सके।  रमेन डेका ने जल संरक्षण और संवर्धन के लिए बेहतर कार्य करने के निर्देश दिए हैं। छोटे और बड़े किसानों के खेतों में डबरी निर्माण और पुराने कुआं का जिर्णोद्धार करने के निर्देश दिए हैं। योग को बढ़ावा देने के लिए नियमित अभ्यास को बढ़ावा देने के निर्देश दिए हैं। समीक्षा के दौरान उन्होंने वरिष्ठ नागरिक और 75 वर्ष से अधिक आयु के वृद्धजनों का आयुष्मान कार्ड बनाने के लिए कहा है।   किसानों का आर्थिक विकास हो इसके लिए खेती के आधुनिक तकनीक की जानकारी देने के लिए कहा है। किसानों को वरमी कम्पोस्ट खाद और आर्गेनिक खेती के लिए प्रोत्साहित करने के निर्देश अधिकारियों को दिए हैं। समीक्षा बैठक में कलेक्टर रोहित व्यास ने जानकारी देते हुए बताया कि जल संरक्षण संवर्धन के तहत रैन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम, अमृत सरोवर,सोकपिट और मैजिक पिट बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि किसानों को जैविक खेती के प्रति प्रेरित किया जा रहा है। स्वच्छता को बढ़ावा दिया जा रहा है गांव में सेग्रेशन शेड एवं डोर टू डोर कचरा कलेक्शन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। जिले के सभी विकास खंड में 100 दिवसीय निक्षय निरामय अभियान चलाया जा रहा है। जिला मुख्यालय में जिला ग्रंथालय संचालित किया जा रहा है प्रातः 6 बजे से रात 11 बजे तक संचालित होता है जहां बच्चों की सुविधा के लिए निःशुल्क वाई फाई की सुविधा दी गई है। जिला ग्रंथालय में 6425 पुस्तकें उपलब्ध है। कलेक्टर ने बताया कि जिले में विज्ञान और प्रौद्योगिकी को बढ़ावा देने के लिए आगामी 7 अप्रैल से अन्वेषण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। जशपुर जिले के विघार्थियों को अंतरिक्ष विज्ञान और इसरो की उपलब्धियों से परिचित कराने के लिए स्पेस ऑन व्हील्स अन्वेषण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है।  

अप्राकृतिक कृत्य के प्रयास में मासूम की हत्या, कोरबा में दिल दहला देने वाला मामला

कोरबा ग्राम पंचायत डोंगानाला के आश्रित ग्राम गणेशपुर में दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। नशे में धुत एक युवक ने सात साल के मासूम की हत्या कर दी। आरोपित ने बच्चे को बहला-फुसलाकर सुनसान इलाके में ले जाकर अप्राकृतिक कृत्य करने की कोशिश की। बच्चे के विरोध करने पर पत्थर से सिर पर वार कर उसकी जान ले ली। तालाब से घर नहीं लौटा आयान, स्वजनों की बढ़ी चिंता पाली थाना अंतर्गत ग्राम गणेशपुर निवासी शिवकुमार खुरसेंगा का सात साल का बेटा आयान दो अप्रैल की दोपहर अपने साथियों के साथ गांव के तालाब में नहाने गया था। रोज की तरह अन्य बच्चे साथ गए थे, लेकिन नहाने के बाद बाकी बच्चे घर लौट आए, जबकि आयान वापस नहीं पहुंचा। देर शाम तक उसके घर नहीं आने पर स्वजन चिंतित हो उठे। आसपास और रिश्तेदारों के यहां तलाश की गई, लेकिन उसका कोई पता नहीं चला। इसी बीच स्वजन को जानकारी मिली कि आयान को गांव में ही रहने वाले रंजीत कुमार 19 वर्ष के साथ अंतिम बार देखा गया था। पुलिस की सख्ती के बाद खुला राज इसके बाद परिवार ने पुलिस को सूचना दी। इसके साथ ही दूसरे दिन भी लगातार खोजबीन जारी रही, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। स्थिति गंभीर होने पर गांव में बैठक बुलाई गई, जिसमें ग्रामीणों और स्वजन ने मिलकर जानकारी जुटाने की कोशिश की। बैठक के दौरान शक के आधार पर रंजीत से पूछताछ की गई, लेकिन वह लगातार गोलमोल जवाब देता रहा। इससे ग्रामीणों का संदेह और गहरा गया। मामले की सूचना मिलने पर थाना प्रभारी नागेश तिवारी मौके पर पहुंचे और युवक से सख्ती से पूछताछ की, तब पुलिस के दबाव में आरोपित टूट गया और उसने वारदात कबूल कर ली। अप्राकृतिक कृत्य का विरोध करने पर पत्थर से सिर कुचला आरोपित रंजीत ने बताया कि वह नशे की हालत में तालाब पहुंचा था। वहीं उसकी नजर आयान पर पड़ी और वह उसे बहला-फुसलाकर सुनसान जगह पर ले गया। वहां उसने बच्चे के साथ अप्राकृतिक कृत्य करने की कोशिश की। विरोध करते हुए बच्चा चिल्लाने लगा, इससे घबराकर उसने (रंजीत) पास पड़े पत्थर से उसके सिर पर कई बार वार कर दिया। गंभीर चोट लगने से मौके पर ही बच्चे की मौत हो गई। घटना के बाद शव को पड़ोसी गांव करतली के एक खेत में बने करीब 12 फीट गहरे कुएं में फेंक दिया और वापस गांव लौट आया। पुलिस ने आरोपित की निशानदेही पर कुएं से बच्चे का शव बरामद कर लिया। मामले में आरोपित के खिलाफ हत्या का प्रकरण दर्ज कर उसे न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया है। नशे में आ जाती है दबी हुई विकृति बाहर गणेशपुर की घटना कई गंभीर सवाल खड़े करती है। मनोविज्ञान के जानकार मानते हैं कि नशे की हालत में व्यक्ति का नियंत्रण कम हो जाता है और दबे हुए विकृत व्यवहार सामने आ सकते हैं। इस तरह की घटनाएं अकसर अचानक नहीं होतीं, बल्कि मानसिक असंतुलन, सामाजिक नियंत्रण की कमी और नशे की आदत का संयुक्त परिणाम होती हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, गांव और कस्बों में बच्चों की सुरक्षा को लेकर जागरूकता बढ़ाने की जरूरत है। बच्चों को यह सिखाना जरूरी है कि वे किसी भी व्यक्ति के साथ अकेले न जाएं, चाहे वह परिचित ही क्यों न हो। वहीं अभिभावकों को भी बच्चों की गतिविधियों पर नजर रखने और देर होने पर तुरंत सतर्क होने की सलाह दी जाती है।  

एसएसपी रायपुर की नई टेलीफिल्म ‘खौफ’ का भव्य लॉन्च, सीएम साय की पत्नी ने दिखाई उपस्थिति

रायपुर. रायगढ़ एसएसपी शशि मोहन सिंह द्वारा लिखित, निर्देशित और अभिनीत बहुप्रतीक्षित शॉर्ट फिल्म “ख़ौफ़ – द डिजिटल वॉर” का गत दिवस विमोचन हुआ। जशपुर के विशिष्ट कम्युनिटी हॉल में आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की धर्मपत्नी कौशल्या देवी साय मौजूद थीं। साइबर फ्रॉड, ऑनलाइन बैंकिंग धोखाधड़ी व सोशल मीडिया के माध्यम से होने वाले अपराधों पर जागरूक करने वाली फिल्म में एसएसपी शशि मोहन सिंह स्वयं पीड़ित स्कूल टीचर की भूमिका में नजर आएंगे। वहीं उनके साथ फिल्म में रायपुर, दुर्ग, कोरबा, जशपुर के स्थानीय कलाकारों के साथ कई चर्चित चेहरे नजर आएंगे। तकनीकी युग में जहां डिजिटल सुविधाएं जीवन को आसान बना रही हैं, वहीं साइबर अपराधी भी इन्हीं तकनीकों का दुरुपयोग कर लोगों को ठगने के नए-नए तरीके अपना रहे हैं। वर्तमान समय में डिजिटल फ्रॉड, ऑनलाइन बैंक धोखाधड़ी और विशेष रूप से स्कैम के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। बढ़ते साइबर अपराधों को ध्यान में रखते हुए एसएसपी रायगढ़ शशि मोहन सिंह ने यह महत्वपूर्ण पहल की है। बता दें कि यह फिल्म Take 3 Studios द्वारा निर्मित की जा रही है। फिल्म में सोशल मीडिया, व्हाट्सएप, इंस्टाग्राम, ऑनलाइन गेम्स, केवाईसी अपडेट, फर्जी मोबाइल एप्लिकेशन, स्क्रीन शेयरिंग ऐप और संदिग्ध लिंक के जरिए होने वाली ठगी की घटनाओं को प्रभावी तरीके से दिखाया गया है। फिल्म में जशपुर एवं छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों के स्थानीय कलाकारों ने अभिनय किया है, जिससे यह परियोजना स्थानीय प्रतिभाओं को मंच देने के साथ-साथ समाज के लिए प्रेरणादायी पहल बन गई है। फिल्म के DOP (छायांकनकर्ता) अनुज कुमार हैं। अभिनेता के रूप में एसएसपी रायगढ़ शशि मोहन सिंह, सुआरवी सिन्हा, दीपा महंत, राम प्रकाश पाण्डेय, ऋभु समर्थ सिंह, कुंदन सिंह, प्रवीण अग्रवाल, विजय सिंह राजपूत, अंकित पांडे, आकर्ष, मनीषा, वंशिका गुप्ता सहित अन्य कलाकार शामिल हैं। फिल्म की स्टोरी शशि मोहन सिंह द्वारा लिखी गई है। स्क्रीनप्ले तोरण राजपूत एवं संवाद घनश्याम द्वारा लिखे गए हैं। कैमरा सहायक के रूप में परमेश्वर नाग, मेकअप आर्टिस्ट वर्षा सोनी एवं सहायक सुचिता भगत सम्मिलित हैं। फिल्म के विमोचन पर एसएसपी जशपुर शशि मोहन सिंह ने कहा है कि डिजिटल फ्रॉड को लेकर छत्तीसगढ़ पुलिस लगातार कानूनी कार्रवाई कर रही है। लोगों में जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से इस फिल्म का निर्माण किया गया है। फिल्म में स्थानीय कलाकारों को भी प्राथमिकता दी गई है, ताकि समाज को जागरूक करने के साथ-साथ स्थानीय प्रतिभाओं को मंच भी मिल सके।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने जशपुर के पूर्व विधायक जगेश्वर राम भगत के निधन पर जताया शोक

रायपुर  मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने जशपुर के पूर्व विधायक एवं वरिष्ठ समाजसेवी जगेश्वर राम भगत के आकस्मिक निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री साय ने कहा है कि स्वर्गीय भगत का जीवन समाज के अंतिम व्यक्ति के उत्थान, सेवा और जनकल्याण के कार्यों के लिए पूर्णतः समर्पित रहा। वे वनवासी कल्याण आश्रम के समर्पित कार्यकर्ता थे। उन्होंने अपने सार्वजनिक जीवन में सदैव जनहित को सर्वोपरि रखते हुए समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का कार्य किया। मुख्यमंत्री साय ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना करते हुए ईश्वर से शोक संतप्त परिजनों को इस दुःख की घड़ी में संबल और धैर्य प्रदान करने की कामना की है।

तीन महिलाओं की मौत से हड़कंप, एनएच पर स्कॉर्पियो दुर्घटना पर भीड़ का गुस्सा

अंबिकापुर अंबिकापुर-बिलासपुर नेशनल हाइवे क्रमांक 130 पर शहर से लगे ग्राम भिट्ठीकला के पास रविवार की देर शाम तेज रफ्तार स्कॉर्पियो ने पैदल जा रही 3 महिलाओं को कुचल दिया। हादसे (Big breaking) में चारों की मौके पर ही मौत हो गई। महिलाओं को टक्कर मारने के बाद स्कॉर्पियो सामने से आ रहे ट्रेलर से जा टकराई। इससे स्कॉर्पियो के भी परखच्चे उड़ गए। इधर गुस्साए लोगों ने स्कॉर्पियो ड्राइवर को पकड़ लिया और उसकी पिटाई शुरु कर दी। इससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने चक्काजाम कर दिया। सूचना पर पुलिस ऑफिसर व अन्य पुलिसकर्मी मौके पर पहुंच गए हैं। स्थिति सामान्य करने की कोशिश की जा रही है। अंबिकापुर-बिलासपुर एनएच पर शहर से लगे ग्राम भिट्ठीकला मेन रोड पर रविवार की शाम सब्जी खरीदने 3 महिलाएं गई थीं। शाम करीब 6.45 बजे सब्जी खरीदने के बाद चारों पैदल घर की ओर जा रही थीं। इसी दौरान अंबिकापुर की ओर से तेज रफ्तार में आ रहे स्कॉर्पियो क्रमांक सीजी 15 ईएच- 8874 ने उन्हें टक्कर मार दी। हादसे में कुचल जाने से तीनों की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे (Road accident) के बाद सामने से आ रहे ट्रेलर से स्कॉर्पियो जा भिड़ी। इससे उसके भी परखच्चे उड़ गए। हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई, लोग आक्रोशित हो गए और वहां जाम लग गया। स्कॉर्पियो की टक्कर से 3 महिलाओं की मौत के बाद गुस्साई भीड़ ने स्कॉर्पियो ड्राइवर को वाहन से बाहर निकाला और उसकी पिटाई शुरु कर दी। लोगों ने उसे इतना मारा कि उसकी हालत गंभीर हो गई। (Big breaking) सूचना मिलते ही मणिपुर थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और बेकाबू भीड़ को संभालने का काम शुरु किया। मौके पर पुलिस के आला अधिकारी भी पहुंच गए हैं। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हादसे के बाद मृत महिलाओं के परिजन मौके पर पहुंचे। शव देखकर वे रोने-बिलखने लगे। बाद में पुलिस ने तीनों महिलाओं का शव बरामद (Big breaking) कर पीएम के लिए मेडिकल कॉलेज अस्पताल भिजवाया। मृत महिलाओं की शिनाख्त ग्राम जोगीबांध निवासी मुन्नी बाई पति धनसाय 50 वर्ष, श्यामपति पति तिलसाय राजवाड़े 55 वर्ष व रामबाई पति जूठन राम 50 वर्ष के रूप में हुई है। जबकि स्कॉर्पियो ड्राइवर के बारे में भी अभी जानकारी नहीं मिली है।  

कन्या छात्रावास और सामुदायिक भवन सहित करोड़ों के विकास कार्यों का किया लोकार्पण

रायपुर कन्या छात्रावास और सामुदायिक भवन सहित करोड़ों के विकास कार्यों का किया लोकार्पण वन एवं जलवायु परिवर्तन तथा सुकमा जिले के प्रभारी मंत्री  केदार कश्यप अपने एक दिवसीय प्रवास पर सुकमा पहुंचे। इस अवसर पर उन्होंने जिले में विकास कार्यों को नई गति देते हुए विभिन्न महत्वपूर्ण निर्माण कार्यों का लोकार्पण किया। मंत्री  कश्यप ने सर्वप्रथम सुकमा के वार्ड क्रमांक 03 पुसामीपारा में 20 लाख रुपये की लागत से निर्मित कौशल विकास सामुदायिक केंद्र भवन का लोकार्पण किया। उन्होंने कहा कि यह केंद्र क्षेत्र के युवाओं को प्रशिक्षण एवं रोजगारपरक कौशल प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा, जिससे आत्मनिर्भरता को बढ़ावा मिलेगा।  कन्या छात्रावास और सामुदायिक भवन सहित करोड़ों के विकास कार्यों का किया लोकार्पण     जिले के प्रभारी मंत्री  कश्यप ने एक करोड़ 62 लाख रूपए की लागत से निर्मित प्री-मैट्रिक कन्या छात्रावास झापरा का लोकार्पण किया। छात्रावास का निरीक्षण करते हुए उन्होंने व्यवस्थाओं की जानकारी ली तथा छात्राओं से संवाद कर उनका उत्साहवर्धन किया। इस दौरान छात्राओं द्वारा मनमोहक सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया गया, जिसने कार्यक्रम को और भी गरिमामय बना दिया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री  कश्यप ने कहा कि वर्तमान शासनकाल में विकास कार्यों को अभूतपूर्व गति मिली है। उन्होंने बताया कि वर्षों से बंद पड़े राम मंदिर केरलापेंदा को पुनः ग्रामीणों के लिए खोला गया और हनुमान जयंती के अवसर पर विशाल भंडारे का आयोजन कर सामाजिक एकता और सांस्कृतिक परंपराओं को सशक्त किया गया।  वन मंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ के निर्माण से लेकर आज नक्सलवाद के समापन की दिशा में सरकार ने निरंतर निर्णायक भूमिका निभाई है। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि वर्ष 2017 में प्रारंभ हुआ यह छात्रावास विभिन्न बाधाओं को पार करते हुए अब 2026 में पूर्ण होकर बच्चों के लिए समर्पित किया गया है, जो शासन की प्रतिबद्धता और कार्य पूर्ण करने की दृढ़ इच्छाशक्ति को दर्शाता है। मंत्री  कश्यप ने छात्राओं को प्रेरित करते हुए कहा कि आप सभी बच्चे देश और समाज का भविष्य हैं। शिक्षा ही सफलता का सबसे बड़ा माध्यम है। पढ़-लिखकर अपने माता-पिता और क्षेत्र का नाम रोशन करें तथा अपनी क्षमता और रुचि के अनुसार विषय चुनकर आगे बढ़ें।            जिले के प्रभारी मंत्री ने कहा कि पहले और आज के सुकमा में बड़ा बदलाव आया है। अब विकास कार्यों का लाभ आम जनता तक पहुंच रहा है। उन्होंने बताया कि महतारी वंदन योजना के माध्यम से माताओं-बहनों को आर्थिक सहायता मिल रही है, जिससे वे सशक्त हो रही हैं। वहीं महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से ‘लखपति दीदी’ जैसी पहल सरकार द्वारा लागू की गई है, जो ग्रामीण महिलाओं के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन ला रही है। इसके साथ ही वरिष्ठ जनप्रतिनिधि  धनीराम बारसे ने भी ग्रामीणों को सम्बोधित किया।           कार्यक्रम में महिला आयोग सदस्य सु दीपिका सोरी, जिला पंचायत सदस्य  कोरसा सन्नू , जिला पंचायत सदस्य  माड़े बारसे, जनप्रतिनिधि  धनीराम बारसे,   अरुण सिंह भदौरिया, जनपद अध्यक्ष कोंटा  कुसुमलता कोवासी, नगरपालिका अध्यक्ष सुकमा  हुंगाराम मरकाम, नगर पंचायत दोरनापाल अध्यक्ष  राधा नायक तथा अन्य जनप्रतिनिधि तथा ग्रामीण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

राज्यपाल रमेन डेका ने जशपुर के केरेगांव होम-स्टे का किया अवलोकन

रायपुर राज्यपाल  रमेन डेका ने जशपुर प्रवास के दौरान शनिवार को जिले के प्रमुख पर्यटन स्थल देशदेखा के समीप स्थित केरेगांव में विकसित होम-स्टे का अवलोकन किया। इस दौरान वे स्थानीय आदिवासी संस्कृति, जनजीवन और पारंपरिक आतिथ्य परंपरा से रूबरू हुए। होम-स्टे प्रवास के दौरान उन्होंने देशदेखा समूह की महिलाओं द्वारा पारंपरिक विधि से तैयार किए गए व्यंजनों का स्वाद चखा। राज्यपाल   डेका ने ग्रामीण परिवेश में विकसित होम-स्टे को प्रेरणादायक कदम बताया और कहा कि यह प्रयास न केवल ग्रामीण पर्यटन को बढ़ावा देते हैं, बल्कि स्थानीय महिलाओं और ग्रामीण परिवारों की आजीविका को सशक्त बनाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका भी निभाते हैं।   इस दौरान स्व-सहायता समूहों की महिलाओं ने ‘जसक्राफ्ट’ ब्रांड के तहत छिंद एवं कांसा से निर्मित पारंपरिक आभूषण माला एवं झुमके राज्यपाल को भेंट किए। राज्यपाल  डेका ने स्थानीय महिलाओं द्वारा निर्मित उत्पादों की सराहना करते हुए कहा कि यह पहल कौशल विकास, रोजगार सृजन तथा आर्थिक आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई गति प्रदान करेगी। इस दौरान ‘देशदेखा क्लाइंबिंग कम्पनी’ के सदस्यों ने भी राज्यपाल से भेंट की। उन्होंने क्षेत्र में एडवेंचर स्पोर्ट्स को बढ़ावा देने के प्रयासों की जानकारी देते हुए बताया कि यहां नियमित रूप से रॉक क्लाइंबिंग जैसे खेलों का आयोजन किया जाता है। राज्यपाल ने अधिकारियों को ऐसे खेलों को निरंतर सहयोग और प्रोत्साहन देने को कहा, ताकि पर्यटन को बढ़ावा मिले और अधिक से अधिक युवा इन गतिविधियों की ओर आकर्षित हों। इस दौरान कलेक्टर  रोहित व्यास, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह, जिला पंचायत सीईओ  अभिषेक कुमार,वनमंडलाधिकारी  शशि कुमार  सहित अन्य अधिकारीगण एवं ग्रामीणजन उपस्थित थे।  

सूरजपुर हादसा: जली हुई छात्रा की मौत, मंत्री ने त्वरित जांच का निर्देश जारी किया

सूरजपुर. सड़क किनारे शनिवार को गंभीर रूप से जली हालत में मिली छात्रा की आज रायपुर ले जाते समय बीच रास्ते में मौत हो गई. छात्रा को अम्बिकापुर मेडिकल कॉलेज से बेहतर इलाज के लिए रायपुर रेफर किया गया था. इस बीच केबिनेट मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने पीड़ित परिवार के सदस्यों से मुलाकात कर हरसंभव सहायता का भरोसा दिलाया है. बता दें कि बिश्रामपुर थाना क्षेत्र के गोरखनाथ पुर की रहने वाली कक्षा 11 वी छात्रा मोनिका सिंह पासन नाला के समीप 95% जली हुई हालत में मिली थी. इस बात की जानकारी होते ही इलाके में हड़कंप मच गया था. राहगीरों की सूचना पर स्थानीय लोगों और पुलिस ने तत्काल लड़की को बिश्रामपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया था. प्राथमिक उपचार के बाद लड़की की गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे तत्काल अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया, जहां स्थिति को देखते हुए उसे बेहतर इलाज के लिए रायपुर रेफर किया गया था. रायपुर ले जाते समय बीच रास्ते में ही लड़की की मौत हो गई. इस बीच केबिनेट मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े पीड़ित लड़की के परिजनों से मुलाकात कर हरसंभव सहायता का भरोसा दिलाया है. मंत्री ने घटना की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए अधिकारियों को इस पूरे मामले की त्वरित एवं निष्पक्ष जांच के सख्त निर्देश दिए हैं. जांच कर रही पुलिस घटना के पीछे की वजह को जानने में जुटी है. वास्तविक कारण अब तक स्पष्ट नहीं हो पाया है.

कुर्मी भवन जामगांव(एम) में डोम शेड और मंच बनाने की घोषणा की

रायपुर उप मुख्यमंत्री  विजय शर्मा आज दुर्ग जिले के पाटन विकासखंड के ग्राम जामगांव (एम) में चन्द्रनाहू कुर्मी क्षत्रिय समाज दुर्ग राज के 56 वें वार्षिक अधिवेशन में शामिल हुए। इस अवसर पर उनके साथ दुर्ग ग्रामीण विधायक एवं राज्य अन्य पिछड़ा वर्ग विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष  ललित चंद्राकर भी अधिवेशन में विशिष्ट अतिथि मौजूद थे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उप मुख्यमंत्री  विजय शर्मा ने कहा कि चन्द्रनाहू कुर्मी क्षत्रिय समाज का गौरवशाली अतीत रहा है। छत्रपति शिवाजी महाराज और सरदार वल्लभ भाई पटेल जैसे इस समाज के पुरोधाओं ने देश को दिशा दिखाई है। समाज के सामाजिक संगठन की मजबूती के लिए ऐसे अधिवेशन होते रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि आज मैं अपने आप को कुर्मी समाज के बीच पाकर कृतज्ञ हुआ हूं।  अधिवेशन में समाज की महिलाओं की बड़ी सहभागिता पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि महिलाओं की प्रतिभा को स्थान व सम्मान दिलाने देश के प्रधानमंत्री  मोदी जी के मंशा के अनुरूप विधानसभा एवं लोकसभा तथा अन्य सभी जगह महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण सुनिश्चित करने आगामी 16, 17 एवं 18 तारीख को संसद का विशेष सत्र का आयोजन किया जा रहा है।  उन्होंने बस्तर सहित छत्तीसगढ़ को नक्सल मुक्त राज्य बनाने का श्रेय जवानों को देते हुए बस्तर में शांति स्थापना में शासन के संकल्प से सिद्धि तक के सफर को साझा किया। उप मुख्यमंत्री  शर्मा ने समाज के उन्नत कृषक मती पूजा चंद्राकर, सफल व्यवसायी  विनोद चंद्राकर और कलाकार  पप्पू चंद्राकर को साल व फल भेंट कर सम्मानित किया। उन्होंने समाज की मांग पर सामाजिक भवन जामगांव (एम) में डोम शेड और मंच निर्माण तथा ग्राम तर्रा में कुर्मी सामाजिक भवन हेतु 12 लाख रूपए की घोषणा की। कार्यक्रम में दुर्ग ग्रामीण विधायक  ललित चंद्राकर ने कहा कि समाज के विकास के लिए शिक्षा और संगठन दोनों आवश्यक है। संगठित प्रयास से हर कार्य संभव होता है। वहीं समाजिक जागरूकता के लिए शिक्षा बहुत जरूरी है। उन्होंने समाज के विकास के लिए माताओं एवं बहनों को आगे आने का आह्वान किया। इस कार्यक्रम में चंद्रनाहू कुर्मी क्षत्रिय समाज के केन्द्रीय एवं प्रदेश स्तर के पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में समाज के सदस्य उपस्थित थे।