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मौसम का बदला मिजाज: पंजाब में आंधी-बारिश का अलर्ट, तापमान 7 डिग्री तक बढ़ेगा

चंडीगढ़. पंजाब के मौसम को लेकर अहम खबर सामने आई है। बताया जा रहा है कि अब 14 अप्रैल तक मौसम साफ रहने के आसार हैं और बारिश का कोई अलर्ट नहीं है। मौसम विभाग की ओर से 14 अप्रैल तक राज्य में बारिश या आंधी-तूफान को लेकर किसी तरह की चेतावनी जारी नहीं की गई है। चंडीगढ़ मौसम विभाग के निदेशक सुरिंदर पाल के अनुसार आने वाले दिनों में मौसम ज्यादातर शुष्क रहेगा। अगले 24 घंटों में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा, लेकिन इसके बाद अगले 4 दिनों के दौरान अधिकतम तापमान में 5 से 7 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी हो सकती है। फिलहाल तापमान सामान्य से करीब 7.2 डिग्री कम चल रहा है। होशियारपुर में अधिकतम तापमान 22.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। 22 जिलों में हल्की से मध्यम बारिश के आसार  मौसम विभाग के अनुसार आज राज्य के 22 जिलों में अलग-अलग स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। इनमें पठानकोट, नवांशहर, रूपनगर और मोहाली शामिल हैं। इसके अलावा अमृतसर, जालंधर, लुधियाना, पटियाला समेत कई अन्य जिलों में भी छिटपुट बारिश की संभावना है, लेकिन इसके बाद राज्य में मौसम के फिर से शुष्क रहने के आसार हैं।

बस टेंडर में डिजिटल धोखाधड़ी: PUNBUS से जुड़ा मामला, कंपनी के खिलाफ FIR दर्ज

लुधियाना. पंजाब रोडवेज की पनबस (PUNBUS) को किलोमीटर स्कीम के तहत नई बसें मुहैया करवाने की प्रक्रिया में जानबूझकर देरी करने और सरकार के साथ धोखाधड़ी करने का एक बड़ा मामला सामने आया है। चंडीगढ़ स्थित पनबस के मैनेजिंग डायरेक्टर (MD) के दफ्तर से मिली शिकायत के आधार पर पुलिस ने 'फास्ट्रैक डिजिटल सॉल्यूशन प्राइवेट लिमिटेड' (Fastrack Digital Solution Pvt Ltd) के मालिक तनवीर सिंह के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। आरोपी ने न केवल टेंडर प्रक्रिया में बाधा डाली, बल्कि गलत पता देकर सरकारी तंत्र को भी गुमराह किया। मिली जानकारी के अनुसार, पंजाब सरकार के परिवहन विभाग के आदेशानुसार पनबस की ओर से किलोमीटर स्कीम के तहत साधारण (ऑर्डिनरी) बसें चलाने के लिए टेंडर जारी किया गया था। इस प्रक्रिया में लुधियाना की कंपनी 'फास्ट्रैक डिजिटल सॉल्यूशन' दूसरे नंबर पर रही थी। नियमानुसार, टेंडर की शर्तों को आगे बढ़ाने के लिए विभाग ने 12 मार्च 2026 को एक महत्वपूर्ण मीटिंग बुलाई थी। विभाग को उम्मीद थी कि इस मीटिंग के बाद बसों को रूट पर उतारने का काम तेज होगा, लेकिन आरोपी बिडर जानबूझकर मीटिंग में हाजिर नहीं हुआ। आरोपी नेफर्जीवाड़े के जरिए सरकारी काम में करवाई देरी  शिकायत में कहा गया है कि आरोपी तनवीर सिंह को विभाग की ओर से बार-बार फोन किए गए, लेकिन उसने हर बार टालमटोल वाला रवैया अपनाया। इतना ही नहीं, जब विभाग ने उससे संपर्क करने की कोशिश की तो पता चला कि उसने कंपनी का जो पता (B.R.S नगर, ग्रैंड वॉक मॉल, लुधियाना) दिया था, वह भी जांच के घेरे में आ गया। आरोपी ने गलत जानकारी और फर्जीवाड़े के जरिए सरकारी काम में देरी करवाई, जिसके कारण आम जनता के लिए नई बसें चलाने की योजना अधर में लटक गई। पनबस के मैनेजिंग डायरेक्टर के दफ्तर से प्राप्त शिकायत के आधार पर थाना सराभा नगर की पुलिस ने कार्रवाई शुरू कर दी है। विभाग का कहना है कि आरोपी की इस हरकत की वजह से टेंडर को दोबारा फ्लोट करना पड़ा, जिससे न केवल समय की बर्बादी हुई बल्कि सरकार को वित्तीय नुकसान भी उठाना पड़ा। पुलिस अब आरोपी तनवीर सिंह की तलाश कर रही है और यह जांच की जा रही है।

सरकार का बड़ा कदम: कर्मचारियों के DA और बकाए मुद्दे पर सब-कमेटी का गठन

चंडीगढ़. पंजाब सरकार ने राज्य के कर्मचारियों और पेंशनभोगियों से जुड़े लंबित वित्तीय मुद्दों के समाधान की दिशा में अहम कदम उठाया है। सरकार ने डीए/डीआर (महंगाई भत्ता/महंगाई राहत) और वेतन आयोग के बकाए की समीक्षा के लिए एक कैबिनेट सब कमेटी के गठन की अधिसूचना जारी कर दी है। इस फैसले से लाखों कर्मचारियों और पेंशनभोगियों की उम्मीदें एक बार फिर बढ़ गई हैं। जारी अधिसूचना के मुताबिक, इस कैबिनेट सब कमेटी की अध्यक्षता वित्त मंत्री हरपाल चीमा करेंगे। कमेटी में कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा और डा बलजीत कौर को सदस्य के रूप में शामिल किया गया है। सरकार ने इस कमेटी को व्यापक अधिकार दिए हैं ताकि कर्मचारियों से जुड़े वेतन और भत्तों के जटिल मामलों का गहन अध्ययन किया जा सके। कमेटी का मुख्य उद्देश्य वर्ष 2011 के वेतन संशोधनों, सातवें केंद्रीय वेतन आयोग के आधार पर लागू वेतनमान और हाल ही में न्यायालय द्वारा दिए गए डा सौरभ शर्मा केस के फैसलों के मद्देनजर स्थिति की समीक्षा करना है। इसके तहत कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को मिलने वाले भत्तों, वेतन संरचना और बकाया भुगतान से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जाएगी। इसके साथ ही कमेटी राज्य पर पड़ने वाले वित्तीय बोझ का भी विस्तृत आकलन करेगी। विशेष रूप से 1 जनवरी 2016 से 30 जून 2021 तक की अवधि के दौरान संशोधित वेतन और पेंशन के बकाए के भुगतान से सरकारी खजाने पर पड़ने वाले असर का अध्ययन किया जाएगा। यह पहल इसलिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है क्योंकि राज्य पहले से ही वित्तीय दबाव का सामना कर रहा है। सरकार का मानना है कि कर्मचारियों के हितों और राज्य की आर्थिक स्थिति के बीच संतुलन बनाना जरूरी है। इसी उद्देश्य से कमेटी सभी तथ्यों, आंकड़ों और कानूनी पहलुओं का विश्लेषण करने के बाद अपनी सिफारिशें तैयार करेगी। अधिसूचना के अनुसार, कैबिनेट सब कमेटी अपनी रिपोर्ट मंत्रिपरिषद के समक्ष पेश करेगी, जिसके आधार पर अंतिम निर्णय लिया जाएगा। माना जा रहा है कि कमेटी की सिफारिशें आने के बाद ही डीए/डीआर और वेतन बकाए को लेकर कोई ठोस फैसला लिया जाएगा। कुल मिलाकर, पंजाब सरकार का यह कदम कर्मचारियों के लंबे समय से लंबित मांगों के समाधान की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है, हालांकि अंतिम राहत मिलने में अभी समय लग सकता है।

पंजाब चुनाव 2027, सभी 117 सीटों पर चुनाव लड़ेगी नवजोत कौर की नई पार्टी

चंडीगढ़ नवजोत काैर ने पंजाब में चल रहे विकास कार्यों के दौरान ठेकेदारों की कार्य कार्यप्रणाली पर सवाल उठाया। सरकार बनती है तो स्वास्थ्य और शिक्षा पर सबसे ज्यादा फोकस रहेगा। सरकार बनती है तो स्वास्थ्य और शिक्षा पर सबसे ज्यादा फोकस रहेगा। नवजोत कौर सिद्धू ने चंडीगढ़ में अपने नए सियासी दल भारतीय राष्ट्रवादी पार्टी के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि उन्हें आम आदमी पार्टी के नेताओं ने अपनी पार्टी जॉइन करने के लिए ऑफर दिया था, मगर उन्होंने पुरानी पार्टियों के बजाय नए प्लेटफार्म को तरजीह दी। नवजोत काैर ने दावा किया कि वे 117 सीटों पर चुनाव लड़ेंगे। उन्होंने पंजाब के प्रति अपना विजन भी पेश किया। उन्होंने नशे के खिलाफ जंग कैसे लड़ी जानी चाहिए, इसके बारे में भी विस्तार से बताया। नवजोत काैर सिद्धू ने कहा कि सरकार आने पर अफीम की खेती को भी वैध करेंगे ताकि इसकी तस्करी न की जा सके। नवजोत काैर ने पंजाब में चल रहे विकास कार्यों के दौरान ठेकेदारों की कार्य कार्यप्रणाली पर सवाल उठाया। सरकार बनती है तो स्वास्थ्य और शिक्षा पर सबसे ज्यादा फोकस रहेगा। सरकार बनती है तो स्वास्थ्य और शिक्षा पर सबसे ज्यादा फोकस रहेगा। उन्होंने कहा कि अभी पंजाब में लोगों का इलाज तो किया जा रहा लेकिन बीमारियों के कारणों पर कोई काम नहीं कर रहा।  

नशे के खिलाफ सख्त एक्शन: लुधियाना में 8 तस्कर दबोचे, हेरोइन-गांजा जब्त

लुधियाना. पुलिस ने बड़ी 8 नशा तस्करों को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस कमिश्नरेट के अलग-अलग थानों की पुलिस ने नशों के विरुद्ध चलाई गई मुहिम के चलते नाकाबंदी कर अलग-अलग इलाकों से 8 नशा तस्करों को काबू कर लिया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 109 ग्राम हेरोइन, 2 किलोग्राम गांजा व 40 नशीली गोलियां बरामद की है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। थाना माडल टाउन पुलिस  पुलिस ने आरोपियों को कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लेकर अगली कार्रवाई शुरू कर दी है। थाना माडल टाऊन की पुलिस ने इलाके में गश्त के दौरान हेरोइन सप्लाई करने जा रहे एक तस्कर को काबू कर लिया। पुलिस ने आरोपी से 70 ग्राम हेरोइन बरामद की है। आरोपी की पहचान बस्ती जोधेवाल पंचशील कालोनी के रहने वाले गुरविंदर सिंह के रूप में हुई है। इसी थाने की पुलिस ने एक अन्य तस्कर को काबू कर उसके कब्जे से 20 ग्राम हेरोइन, प्लास्टिक के लिफाफे व 5300 रुपए की नकदी बरामद की है। आरोपी की पहचान मनोहन नगर के रहने वाले बलविंदर सिंह के रूप में हुई है। इसी थाने की पुलिस ने तस्करों के खिलाफ चलाई गई मुहिम के चलते एक तस्कर को नशीली गोलियां सप्लाई करने के आरोप में धर दबोचा। पुलिस ने आरोपी से 40 नशीली गोलियां बरामद की है। थाना दरेसी पुलिस  थाना दरेसी की पुलिस ने हेरोइन की सप्लाई करने जा रहे युवक को काबू कर लिया। पुलिस ने आरोपी से 4 ग्राम हेरोइन बरामद की है। पुलिस ने आरोपी की पहचान न्यू जय शक्ति नगर टिब्बा रोड़ के रहने वाले सतीश कुमार के रूप में की है। थाना सदर की पुलिस ने धांधरा रोड़ पर की गई नाकाबंदी के दौरान कार्रवाई करते हुए हेरोइन सप्लाई करने जा रहे युवक को काबू कर लिया। पुलिस ने आरोपी से 9 ग्राम हेरोइन बरामद की है।  थाना दुगरी व थाना डिवीजन नंबर 6 पुलिस  थाना दुगरी की पुलिस ने 200 फुट्टा रोड पर फ्लाई ओवर पुल के पास नाकाबंदी के दौरान चेकिंग करते हुए एक नशा तस्कर को काबू कर लिया। पुलिस ने आरोपी से 3 ग्राम हेरोइन बरामद की है। थाना डिवीजन नंबर 6 की पुलिस ने शेरपुर चौक के पास जीटी रोड़ पर मिल्ट्री कैंप के निकट नाकाबंदी के दौरान पैदल जा रहे युवक को हेरोइन तस्कर करने के आरोप में काबू कर लिया। पुलिस ने आरोपी से 3 ग्राम हेरोइन बरामद की है।

स्कूल एडमिशन नियम बदले: पंजाब में 8वीं कक्षा के लिए अब बर्थ सर्टिफिकेट जरूरी

चंडीगढ़. पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड (PSEB) और निजी स्कूल संचालकों के बीच नियमों को लेकर विवाद बढ़ता नजर आ रहा है। बोर्ड के चेयरमैन डॉ. अमरपाल सिंह ने साफ कर दिया है कि आठवीं कक्षा और उससे ऊपर के छात्रों का दाखिला बिना जन्म प्रमाण पत्र के नहीं किया जाएगा। दरअसल, बोर्ड से एफिलिएटिड और एसोसिएटिड स्कूलों के संचालक इस नियम में ढील की मांग कर रहे थे। इसके साथ ही शिक्षकों के मोबाइल नंबर बोर्ड को देने की अनिवार्यता का भी विरोध किया जा रहा है। इस मुद्दे को लेकर स्कूल प्रतिनिधियों ने चेयरमैन के साथ बैठक भी की, लेकिन उनकी मांगों को स्वीकार नहीं किया गया। निजी स्कूल संचालकों में नाराजगी चेयरमैन ने स्पष्ट किया कि नियमों में कोई बदलाव नहीं होगा और सभी स्कूलों को इनका पालन करना होगा। इसके चलते निजी स्कूल संचालकों में नाराजगी देखी जा रही है। स्कूल संगठनों का कहना है कि राज्य में हजारों स्कूल बोर्ड से जुड़े हुए हैं, जिनमें बड़ी संख्या में विद्यार्थी पढ़ते हैं। वहीं ऑनलाइन एडमिशन प्रक्रिया के तहत सरकारी स्कूलों में भी आठवीं से बारहवीं तक के छात्रों के लिए जन्म प्रमाण पत्र अनिवार्य रहेगा। अब इस मुद्दे को लेकर स्कूल संगठनों ने आगे की रणनीति तय करने के लिए राज्य स्तर पर बैठक बुलाने का निर्णय लिया है।

कुदरत का तांडव, अप्रैल में जनवरी जैसी ठंड और चंडीगढ़ में टूटा 5 साल का रिकॉर्ड

चंडीगढ़ उत्तर भारत में मौसम के बदले मिजाज ने सामान्य जनजीवन को पूरी तरह पटरी से उतार दिया है। अप्रैल के महीने में, जब सूरज की तपिश महसूस होनी चाहिए थी, तब जनवरी जैसी कड़ाके की ठंड और बेमौसम बरसात ने दस्तक दी है। सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के कारण पंजाब, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश में पिछले 48 घंटों से जारी बारिश, ओलावृष्टि और बर्फबारी ने भारी तबाही मचाई है। आलम यह है कि मैदानी इलाकों में तापमान सामान्य से 10 डिग्री सेल्सियस तक नीचे गिर गया है। पंजाब कृषि विभाग की प्रारंभिक रिपोर्ट के अनुसार, राज्य में बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि ने अन्नदाता की कमर तोड़ दी है। राज्य के करीब 1.25 लाख एकड़ से अधिक क्षेत्र में खड़ी गेहूं की फसल बर्बाद हो गई है। सबसे ज्यादा नुकसान मुक्तसर, फाजिल्का और बठिंडा जिलों में दर्ज किया गया है, जहां फसल कटाई के लिए तैयार थी। 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चली हवाओं ने पकी हुई फसल को खेतों में बिछा दिया है, जिससे उत्पादन में भारी कमी आने की आशंका है। हरियाणा : 6 जिलों में ओलावृष्टि का ऑरेंज अलर्ट हरियाणा में भी स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। मौसम विभाग ने गुरुग्राम, फरीदाबाद, पलवल, नूह, महेंद्रगढ़ और रेवाड़ी सहित दक्षिण-पूर्वी जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इन इलाकों में तेज हवाओं के साथ भारी ओलावृष्टि की संभावना है। हिसार, सिरसा और फतेहाबाद के किसान पहले ही ओलावृष्टि की मार झेल रहे हैं, जहां गेहूं और सरसों की फसलों को व्यापक क्षति हुई है। किसान अब सरकार से विशेष गिरदावरी और मुआवजे की मांग कर रहे हैं। चंडीगढ़: 5 साल में सबसे ठंडा रहा अप्रैल का यह दिन ट्राइसिटी (चंडीगढ़, पंचकूला और मोहाली) में मंगलवार और बुधवार को हुई बारिश ने पिछले पांच वर्षों का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। मौसम विभाग के अनुसार, चंडीगढ़ में अधिकतम तापमान गिरकर 27.6 डिग्री सेल्सियस पर आ गया, जो सामान्य से करीब 6 डिग्री कम है। पिछले 5 साल में 7-8 अप्रैल का दिन इतना ठंडा कभी दर्ज नहीं किया गया। सड़कों पर लोग एक बार फिर जैकेट और गर्म कपड़ों में नजर आ रहे हैं, जो अप्रैल के महीने में एक दुर्लभ दृश्य है। हिमाचल: अटल टनल और रोहतांग में बर्फबारी पहाड़ों पर कुदरत का सफेद तांडव जारी है। हिमाचल प्रदेश के ऊंचाई वाले इलाकों जैसे रोहतांग दर्रा, अटल टनल, लाहौल-स्पीति और किन्नौर में ताजा बर्फबारी हुई है। शिमला के खड़ापत्थर और नारकंडा में भारी बारिश के बाद भूस्खलन की घटनाएं सामने आई हैं, जिससे कई संपर्क मार्ग बंद हो गए हैं। बर्फबारी और गिरते तापमान ने सेब बागवानों की नींद उड़ा दी है, क्योंकि यह समय सेब के पेड़ों में फ्लावरिंग (फूल आने) का है और अत्यधिक ठंड से फसल पूरी तरह खराब हो सकती है। विशेषज्ञों की चेतावनी और राहत की उम्मीद मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि अगले 24 घंटों तक उत्तर भारत के इन राज्यों में मौसम का मिजाज इसी तरह बना रहेगा। 9 अप्रैल के बाद ही आंशिक सुधार की उम्मीद है। जलवायु विशेषज्ञों ने बेमौसम की इस मार को 'क्लाइमेट चेंज' के बढ़ते खतरों से जोड़कर देखा है। फिलहाल, प्रशासन ने किसानों को सलाह दी है कि वे खेतों में जल निकासी का उचित प्रबंध करें और बिजली कड़कने के दौरान खुले क्षेत्रों में जाने से बचें।

डीजीपी पद के लिए 14 नाम आगे: गौरव, गुरप्रीत और शशि प्रभा भी दौड़ में

चंडीगढ़. पंजाब में पिछले चार वर्षों से चल रही ‘कार्यकारी’ डीजीपी व्यवस्था को खत्म करते हुए अब नियमित डायरेक्टर जनरल ऑफ पुलिस (डीजीपी) की नियुक्ति की प्रक्रिया तेज हो गई है। राज्य सरकार ने 14 वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों के नामों का एक पैनल संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) को भेज दिया है। सरकार द्वारा भेजी गई सूची में मौजूदा कार्यकारी डीजीपी गौरव यादव का नाम प्रमुखता से शामिल है। उनके साथ ही 1992 बैच के शरद सत्य चौहान, कुलदीप सिंह और हरप्रीत सिंह सिद्धू के नाम भी भेजे गए हैं। 1993 बैच से गुरप्रीत कौर दियो, जतिंदर कुमार जैन और शशि प्रभा द्विवेदी के नाम शामिल हैं, जबकि 1994 बैच के सुधांशु शेखर श्रीवास्तव समेत सात अन्य अधिकारियों के नाम भी इस सूची में हैं। दूसरी ओर, 1989 बैच के सामंत गोयल ने इस पद के लिए असमर्थता जताई है, जबकि अर्पित शुक्ला और ईश्वर सिंह सेवानिवृत्ति के करीब होने के कारण इस दौड़ से बाहर हैं। सुप्रीम कोर्ट की सख्ती के बाद लिया गया फैसला सुप्रीम कोर्ट ने फरवरी और मार्च 2026 में राज्यों में लंबे समय तक कार्यकारी डीजीपी रखने की परंपरा पर सख्त आपत्ति जताई थी। अदालत ने कहा था कि ऐसा करना योग्य और वरिष्ठ अधिकारियों को उनके अधिकार से वंचित करने के समान है। यूपीएससी ने भी पंजाब सरकार को 5 मार्च और 18 मार्च को रिमाइंडर भेजे थे, जिसके बाद मुख्यमंत्री भगवंत मान ने 30 मार्च को सार्वजनिक तौर पर पुष्टि की कि सरकार यूपीएससी के नियमों का पालन करेगी। UPSC तीन नामों का पैनल करेगी फाइनल नियमों के अनुसार, राज्य सरकार द्वारा भेजे गए पैनल पर विचार करने के लिए यूपीएससी के चेयरमैन की अध्यक्षता में एक समिति बनाई जाती है। इस समिति में केंद्रीय गृह सचिव, राज्य के मुख्य सचिव और मौजूदा डीजीपी शामिल होते हैं। यह समिति वरिष्ठता और योग्यता के आधार पर तीन अधिकारियों के नाम फाइनल कर राज्य सरकार को भेजेगी, जिनमें से सरकार एक को नियमित डीजीपी के रूप में नियुक्त करेगी।

करमजीत कौर ने कहा: महिलाओं को 50% आरक्षण, सशक्तीकरण की ओर ऐतिहासिक मोड़

होशियारपुर  पंजाब के होशियारपुर से आम आदमी पार्टी की लोकसभा प्रभारी चेयरमैन करमजीत कौर ने महिलाओं को 50 प्रतिशत आरक्षण देने के प्रस्ताव का स्वागत किया है। उन्होंने इसे महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक और निर्णायक कदम बताया। करमजीत कौर ने समाचार एजेंसी  से बात करते हुए कहा कि आम आदमी पार्टी इस फैसले का पूरी तरह समर्थन करती है और लंबे समय से महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने की पक्षधर रही है। उनका मानना है कि यदि लोकसभा और विधानसभा में महिलाओं को 50 प्रतिशत आरक्षण मिलता है, तो इससे न केवल उनकी राजनीतिक भागीदारी बढ़ेगी बल्कि नीति निर्माण में भी महिलाओं की आवाज अधिक प्रभावी ढंग से सामने आएगी। उन्होंने यह भी बताया कि देश के कई राज्यों में पहले से ही पंचायत और स्थानीय निकाय स्तर पर लाखों महिलाएं आरक्षण के तहत काम कर रही हैं और बेहतरीन नेतृत्व का परिचय दे रही हैं। ऐसे में इस व्यवस्था को संसद व विधानसभा तक विस्तारित करना स्वाभाविक और आवश्यक कदम है। उन्होंने कहा कि इससे समाज में सकारात्मक बदलाव आएगा और महिलाओं को निर्णय लेने की प्रक्रिया में बराबरी का अधिकार मिलेगा। हालांकि, करमजीत कौर ने इस प्रस्ताव के भविष्य को लेकर कुछ आशंकाएं भी जताईं। उन्होंने कहा कि अभी यह स्पष्ट नहीं है कि यह बिल संसद में पास हो पाएगा या नहीं क्योंकि राजनीतिक परिस्थितियां अक्सर ऐसे महत्वपूर्ण फैसलों को प्रभावित करती हैं। फिर भी उन्होंने उम्मीद जताई कि सभी दल इस मुद्दे पर एकजुट होकर इसे समर्थन देंगे। राजनीतिक असर के सवाल पर उन्होंने कहा कि यह मुद्दा किसी एक पार्टी, जैसे भारतीय जनता पार्टी के फायदे तक सीमित नहीं है। अगर यह बिल पास होता है, तो इसका लाभ सभी राजनीतिक दलों और उनके कार्यकर्ताओं को मिलेगा। राहुल गांधी को प्रधानमंत्री पद की दौड़ से रोकने के संदर्भ में पूछे गए सवाल पर उन्होंने स्पष्ट किया कि इस विषय को राजनीति से जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए। यह महिलाओं के अधिकारों और उनके सशक्तीकरण से जुड़ा मुद्दा है, जिसका सभी को समर्थन करना चाहिए। अपने व्यक्तिगत अनुभव साझा करते हुए करमजीत कौर ने कहा कि आम आदमी पार्टी ने उन्हें एक वॉलंटियर के रूप में आगे बढ़ाकर महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां सौंपी हैं, जो पार्टी की महिला सशक्तीकरण की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

अटारी-वाघा बॉर्डर से श्रद्धालुओं का जत्था रवाना: खालसा साजना दिवस पर 1763 वीजा मंजूर

अमृतसर. खालसा साजना दिवस (बैसाखी) के पावन अवसर पर पाकिस्तान स्थित गुरुद्वारों के दर्शन के लिए जाने वाले सिख श्रद्धालुओं के जत्थे की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (SGPC) ने इस संबंध में जानकारी साझा की है। SGPC के सचिव बलविंदर सिंह काहलवा ने बताया कि इस वर्ष जत्थे के लिए कुल 1795 पासपोर्ट नई दिल्ली स्थित पाकिस्तानी दूतावास को भेजे गए थे, जिनमें से 1763 श्रद्धालुओं को वीजा जारी किया गया है। वीजा लगे पासपोर्ट SGPC कार्यालय पहुंच चुके हैं और श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि वे कार्यालय समय के दौरान अपने पासपोर्ट प्राप्त कर लें। उन्होंने बताया कि जत्था 10 अप्रैल को सुबह 8 बजे SGPC कार्यालय से पूरे सम्मान के साथ पाकिस्तान के लिए रवाना होगा। श्रद्धालुओं को अटारी-वाघा बॉर्डर के रास्ते विशेष बसों के जरिए भेजा जाएगा। शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधकी कमेटी ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि इस यात्रा को केवल धार्मिक भावना और आस्था के रूप में ही देखा जाए, इसे किसी भी तरह से पिकनिक न समझा जाए। यात्रा के दौरान अनुशासन, संयम और पंथक मर्यादा बनाए रखने पर विशेष जोर दिया गया है। बयानबाजी से बचा जाए इसके साथ ही यह भी कहा गया है कि पाकिस्तान में किसी भी ऐसी गतिविधि या बयानबाजी से बचा जाए, जिससे सिख समुदाय की छवि को नुकसान पहुंचे या भविष्य में वीजा प्रक्रिया प्रभावित हो। दूतावास द्वारा 32 वीजा रद्द किए जाने पर SGPC ने सुझाव दिया कि यदि किसी श्रद्धालु के दस्तावेजों में कोई कमी हो, तो उसे पत्र या फोन के माध्यम से सूचित किया जाए, ताकि त्रुटि को दूर कर अधिक से अधिक श्रद्धालु गुरुधामों के दर्शन कर सकें। उन्होंने कहा कि बिछड़े गुरुधामों के दर्शन की चाह हर सिख के मन में गहराई से जुड़ी होती है।