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रोजगार को बढ़ावा: मुख्यमंत्री भगवंत मान ने युवाओं को सौंपे नियुक्ति पत्र

अमृतसर  रोजगार के क्षेत्र में एक और महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, पीएसपीसीएल (पंजाब स्टेट पावर कॉर्पोरेशन लिमिटेड) के नवनियुक्त उम्मीदवारों को आज नियुक्ति पत्र वितरण समारोह के दौरान सम्मानित किया गया। यह समारोह अमृतसर के मेडिकल कॉलेज में बने ऑडिटोरियम में आयोजित किया गया, जिसमें मुख्यमंत्री भगवंत मान स्वयं शामिल हुए। इस अवसर पर 'आप' सुप्रीमो अरविंद केजरीवाल भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। पंजाब में आम आदमी पार्टी की सरकार अब तक विभिन्न विभागों में 56 हजार 856 भर्तियां कर चुकी है। इन 2200 नवनियुक्त कर्मचारियों की भर्ती के साथ यह आंकड़ा बढ़कर 59,962 हजार हो गया है। इस दौरान, मुख्यमंत्री मान ने कहा कि आज सरकार के दौरान 59,962 नौकरियां दी गई हैं। जो बिना किसी नकद राशि और सिफारिश के दी गई हैं। उन्होंने कहा कि आप लोगों ने सुबह उठकर मेहनत की है और कड़ी मेहनत करके आज यह मुकाम हासिल किया है। मुख्यमंत्री मान ने युवाओं से कहा कि सीखने की कोई उम्र या स्थान नहीं होता, इसलिए आपको हमेशा सीखते रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि आज आपको खुश देखकर उन्हें भी खुशी हो रही है। उन्होंने कहा कि मुझे पूरा विश्वास है कि आप लोग इस नौकरी का इस्तेमाल बदनामी के लिए नहीं करेंगे, बल्कि अपने परिवार और देश का नाम रोशन करेंगे। इस मौके पर पीएसपीसीएल में चयनित नवनियुक्त युवाओं ने कहा कि उन्हें बिना किसी पैसे और सिफारिश के नौकरी मिली है। इस दौरान उन्होंने मुख्यमंत्री भगवंत मान और अरविंद केजरीवाल का धन्यवाद किया और वादा किया कि वे अपनी ड्यूटी पूरी ईमानदारी से निभाएंगे। 

गौरव का पल: विश्व कप जीतकर लौटीं पंजाब की बेटियां, मोहाली में हुआ शानदार अभिनंदन

चंडीगढ़  महिला क्रिकेट में भारत के लिए पहला विश्व कप जीतकर इतिहास रचने वाली भारतीय टीम की दो पंजाबी खिलाड़ियों, हरलीन देओल और अमनजोत कौर का आज वतन वापसी पर पंजाब सरकार द्वारा यहां शहीद भगत सिंह अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर गर्मजोशी से शानदार स्वागत किया गया. मंत्रियों और विधायकों ने बढ़ाया बेटियों का मान इस अवसर पर पंजाब सरकार की ओर से वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा और सांसद गुरमीत सिंह मीत हेयर विशेष रूप से खिलाड़ियों का स्वागत करने के लिए हवाई अड्डे पहुंचे. उनके साथ विधायक डॉ. अमनदीप कौर अरोड़ा, जिला योजना बोर्ड की चेयरपर्सन प्रभजोत कौर, जसवंत कौर और पार्षद सरबजीत सिंह समाणा भी मौजूद रहे. हवाई अड्डे पर जश्न का माहौल देखने को मिला, जहां पंजाब सरकार, जिला प्रशासन और खेल विभाग द्वारा ढोल की थाप और फूलों के हार पहनाकर विजेता बेटियों का सम्मान किया गया. सरकार द्वारा विशेष सम्मान का ऐलान गौरतलब है कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने पहले ही वीडियो कॉल के जरिए टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर, हरलीन देओल और अमनजोत कौर को इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर बधाई दी थी. हरपाल सिंह चीमा और मीत हेयर ने कहा कि हमारी इन बेटियों ने न सिर्फ पंजाब, बल्कि पूरे देश का नाम रोशन किया है. उन्होंने घोषणा की कि कप्तान हरमनप्रीत कौर के पंजाब लौटने के बाद पंजाब सरकार द्वारा तीनों खिलाड़ियों को विशेष रूप से सम्मानित किया जाएगा.

उच्च न्यायालय ने स्पष्ट किया: मुस्लिम पर्सनल लॉ में 18 साल से कम उम्र की सहमति को नहीं मानेंगे

चंडीगढ़  पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट (Punjab High Court) ने एक महत्वपूर्ण फैसला सुनाते हुए स्पष्ट किया है कि 18 वर्ष से कम उम्र की लड़की से शादी के बाद भी संबंध बनाने को कानूनी तौर पर रेप माना है। कोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि उनकी धार्मिक या व्यक्तिगत कानूनी मान्यता की स्थिति कुछ भी हो, सहमति हो या वैवाहिक स्थिति हो, पॉक्सो (POCSO) अधिनियम के तहत वैधानिक बलात्कार है। पंजाब के होशियारपुर की एक 17 वर्षीय मुस्लिम लड़की और उसके पति ने अपने परिवारों की इच्छा के विरुद्ध शादी करने के बाद सुरक्षा की मांग करते हुए अदालत में याचिका दायर की थी। उन्हें लड़की के माता-पिता से हिंसा का डर था। कपल ने तर्क दिया था कि मुस्लिम पर्सनल लॉ के तहत एक लड़की को यौवन प्राप्त करने पर शादी करने का अधिकार है। इसकी उम्र महज 15 साल मानी जाती है। न्यायमूर्ति सुभाष मेहता ने इस तर्क को अस्वीकार करते हुए कहा, "विपरीत वैधानिक कानून के सामने, व्यक्तिगत कानून प्रभावी नहीं हो सकता।" न्यायाधीश सुभाष मेहता ने अपने विस्तृत आदेश में समझाया कि तीन विशेष कानून इस मामले में प्रभावी हैं। बाल विवाह निषेध अधिनियम, 2006 के तहत लड़की के लिए शादी की न्यूनतम कानूनी आयु 18 वर्ष है। यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण (पॉक्सो) अधिनियम, 2012 के तहत 18 वर्ष से कम उम्र के व्यक्ति के साथ सभी यौन गतिविधियां, चाहे सहमति हो या वैवाहिक स्थिति, वैधानिक बलात्कार है। किशोर न्याय (बच्चों की देखभाल और संरक्षण) अधिनियम, 2015 के तहत देखभाल और संरक्षण की आवश्यकता वाले हर बच्चे को दुर्व्यवहार, शोषण और उपेक्षा से बचाया जाना चाहिए। न्यायाधीश ने कहा, "ये विशेष कानून धर्मनिरपेक्ष, कल्याण-केंद्रित हैं और व्यक्तिगत कानूनों का अतिक्रमण करते हैं। वे बच्चों की सुरक्षा में सरकारी की बाध्यकारी रुचि और बाल विवाह तथा नाबालिगों के साथ यौन कृत्यों को अपराधी बनाने के विधायी इरादे को दर्शाते हैं, भले ही वे विवाह की आड़ में किए गए हों। उपरोक्त चर्चा के आलोक में यह अदालत ऐसे युगल को सुरक्षा प्रदान करने के पक्ष में नहीं है, जहां पति-पत्नी में से कोई एक नाबालिग है, क्योंकि ऐसा करने से उपर्युक्त लाभकारी विधियों का उद्देश्य ही विफल हो जाएगा।" सरकार ने इस याचिका का विरोध करते हुए कहा कि लड़की 18 वर्ष से कम है, जिससे यह विवाह बाल विवाह निषेध अधिनियम, 2006 के तहत रद्द करने योग्य है। सरकार ने यह भी कहा कि एक बार नाबालिग का दर्जा स्थापित हो जाने पर अदालत को 'पेरेंट्स पेट्रियाए' (नाबालिग के अभिभावक) के रूप में कार्य करते हुए बच्चे के सर्वोत्तम हित का निर्धारण करना होगा। सभी पक्षों को सुनने के बाद बेंच ने होशियारपुर के एसएसपी को नाबालिग को बाल कल्याण समिति के सामने पेश करने का निर्देश दिया। कोर्ट ने निर्देश दिया कि CWC को किशोर न्याय अधिनियम, 2015 की धारा 36 के तहत एक जांच करनी चाहिए और नाबालिग लड़की की सुरक्षा और कल्याण सुनिश्चित करना चाहिए। साथ ही, पुलिस को याचिकाकर्ता युगल को शारीरिक नुकसान से बचाने का भी निर्देश दिया गया।

AAP का राज्यपाल से बड़ा सामना: केंद्र को कड़ी चेतावनी, कहा- लोकतंत्र नहीं दबेगा

चंडीगढ़ पंजाब यूनिवर्सिटी के मुद्दे को लेकर आज आम आदमी पार्टी (AAP) के प्रतिनिधिमंडल ने कैबिनेट मंत्री हरपाल सिंह चीमा की अगुवाई में राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया से मुलाकात की। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने यूनिवर्सिटी की सीनेट और सिंडिकेट को भंग करने के फैसले पर चर्चा की। जानकारी देते हुए हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि केंद्र सरकार ने लोकतांत्रिक प्रणाली को कमजोर किया है, जिससे लाखों विद्यार्थी प्रभावित हुए हैं और पंजाब के करीब 200 कॉलेजों को नुकसान हुआ है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार पंजाब से दिल से नफरत करती है। हरपाल चीमा ने आगे कहा कि पहले केंद्र सरकार ने भाखड़ा ब्यास मैनेजमेंट बोर्ड (BBMB) पर कब्जा करने की कोशिश की थी, और अब उनकी नजर पंजाब की यूनिवर्सिटियों पर है। उन्होंने कहा कि पंजाब में आम आदमी पार्टी की सरकार मिलकर इस लड़ाई को लड़ेगी। इस मौके पर AAP सांसद मीट हेयर ने कहा कि पंजाब यूनिवर्सिटी से पंजाब के लोग भावनात्मक रूप से गहराई से जुड़े हुए हैं, लेकिन फिर भी असंवैधानिक तरीके से इसे अपने कब्जे में लेने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि हर बार पंजाब के साथ भेदभाव किया जाता है। उन्होंने केंद्र को चेतावनी देते कहा कि बार-बार पंजाब को परखना बंद कर दें।  

बड़ी साज़िश का शक? कांग्रेस के दो दिग्गज नेताओं को मिली मौत की धमकी, हड़कंप

तरनतारन  वरिष्ठ कांग्रेस नेता राजबीर सिंह भुल्लर और पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष एवं सांसद अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग को परिवार समेत जान से मारने की धमकी मिलने का मामला सामने आया है। गैंगस्टर रिंदा द्वारा दी गई इस धमकी के बाद, तरनतारन सिटी थाने की पुलिस ने रिंदा समेत 2 अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है। गौरतलब है कि तरनतारन विधानसभा क्षेत्र में होने वाले उप-चुनाव को लेकर जहां राजनीति गरमाई हुई है, वहीं गैंगस्टर और शरारती तत्व मतदाताओं को धमकाने के लिए फोन कर रहे हैं और राजनेताओं को भी निशाना बनाया जा रहा है। जानकारी के अनुसार, तरनतारन निवासी वरिष्ठ कांग्रेसी नेता राजबीर सिंह भुल्लर द्वारा जिले के एस.एस.पी. को लिखित शिकायत दर्ज कराई गई थी कि 31 अक्तूबर को उनके मोबाइल फोन पर एक विदेशी नंबर से फोन आया, जिसमें फोन करने वाले ने अपना नाम गैंगस्टर रिंदा बताया था। उसी दिन, आने वाली कॉल में फिर से एक वॉयस मैसेज भेजा गया, जिसमें कहा गया कि हमें पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष व मौजूदा सांसद अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग और उनके परिवार को तो मारना ही है तथा इस के साथ हमने तुम्हें और तुम्हारे परिवार को भी मारना है। राजबीर सिंह भुल्लर, जो तरनतारन विधानसभा क्षेत्र में कांग्रेस पार्टी के संभावित उम्मीदवार भी थे, को इस धमकी भरे फोन कॉल के माध्यम से 11 नवम्बर तक चुनाव प्रचार में भाग न लेने की चेतावनी भी दी गई थी। राजबीर सिंह भुल्लर ने शिकायत में यह भी कहा कि पहले भी उन्हें कई बार जान से मारने की धमकियां मिल चुकी हैं। इस बीच, राजबीर सिंह भुल्लर ने अपनी और अपने परिवार की जान को खतरा बताते हुए पुलिस सुरक्षा की भी मांग की है। इस धमकी भरे कॉल के बाद, थाना सिटी तरनतारन की पुलिस ने राजबीर सिंह भुल्लर के बयानों पर गैंगस्टर रिंदा और दो अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है। 

पर्यावरण नियमों की अनदेखी भारी पड़ी, NGT ने लगाया 50 हजार का फाइन

लुधियाना  कारकस प्लांट चालू करने में हो रही देरी को लेकर एन.जी.टी. ने सरकार पर 50 हजार का जुर्माना ठोका है। यहां बताना उचित होगा कि सतलुज दरिया के किनारे स्थित ह़ड्डारोड़ी की वजह से हो रहे प्रदूषण से संबंधित मामले की सुनवाई के दौरान नैशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एन.जी.टी) द्वारा मृत जानवरों के निपटारे के लिए कारकस प्लांट के निर्देश दिए गए थे जिसके आधार पर नगर निगम द्वारा स्मार्ट  सिटी मिशन के फंड में से नूरपुर बेट में कारकस प्लांट लगाने का फैसला किया गया लेकिन गांव के लोगों द्वारा कोर्ट में केस रद्द होने के बावजूद प्रोजैक्ट का उद्घाटन नहीं होने दिया और पक्के तौर पर धरना जिसके विरोध में सांसद बिट्टू द्वारा प्लांट को ताला लगा दिया गया जिसके बाद से प्लांट चालू करने की प्रक्रिया अधर में लटकी हुई है। जहां तक एन.जी.टी. में चल रहे केस की सुनवाई का सवाल है, पहले दो मंत्रियों की कमेटी बनाने और नई साइट की तलाश करने की रिपोर्ट दी गई जिसके बावजूद कारकस प्लांट चाल करने में हो रही देरी को लेकर एन.जी.टी. ने सरकार पर 50 हजार का जुर्माना ठोका है। इसके साथ ही केंद्रीय पर्यावरण मंत्रालय, प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड से रिपोर्ट मांगी गई है।   

पुलिस अधिकारी के साथ बड़ा फ्रॉड! सबूत पेश, फिर भी कार्रवाई गायब

पंचकूला हरियाणा पुलिस के डीएसपी सुरेंद्र सिंह यादव के साथ 47 लाख रुपए की ठगी हुई थी। डीएसपी ने इस मामले की शिकायत 2024-25 के दौरान हरियाणा डीजीपी, पंचकूला डीसीपी और पंचकूला सेक्टर-14 थाना के एसएचओ को दी थी लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।   10 अक्तूबर को पंचकूला सेक्टर-1 पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में आयोजित ग्रिवेंसेज कमेटी की मीटिंग में डीएसपी हरियाणा सरकार के मंत्री विपुल गोयल के समक्ष पेश हुए। मंत्री ने तुरंत मामला दर्ज करने का आदेश दिया। मंत्री के आदेश के 24 दिन बाद पंचकूला पुलिस ने 4 नवंबर को सेक्टर-14 पुलिस थाने में भरतपाल, आरती देवी, नायब सिंह, राजकुमार भाटिया, सुखविंदर कौर और कुलविंदर सिंह पुवाल के खिलाफ आईपीसी की धारा 120-बी, 406 और 420 के तहत मामला दर्ज किया गया है। 2022-23 में डीएसपी सुरेंद्र सिंह यादव पंचकूला जोन 2 के डीएसपी थे। आरोपियों ने उन्हें सेक्टर 26 में 14 मरले का प्लॉट दिखाया और 2.35 करोड़ में डील तय हुई। डीएसपी ने आरोपियों के बैंक खाता में 53 लाख रुपए ट्रांसफर किए लेकिन आरोपियों ने प्लॉट का सौदा किसी और से कर लिया। पीड़ित हरियाणा पुलिस के डीएसपी ने कहा कि पंचकूला पुलिस ने कमजोर धारा के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस ने धारा 467, 468 और 471 धारा को उसमें नहीं जोड़ा है। वह पंचकूला पुलिस की कार्रवाई से नाखुश हैं और डीजीपी को शिकायत करने की तैयारी कर रहे हैं। 

CBI की बड़ी कार्रवाई की आहट! पंजाब के शीर्ष अफसरों पर जांच की गाज

चंडीगढ़  निलंबित डी.आई.जी. हरचरण सिंह भुल्लर के काले धन को संपत्तियों में निवेश करने वाला पटियाला का प्रॉपर्टी डीलर भूपिंदर सिंह अब CBI के रडार पर है। CBI ने उसके दफ्तर और घर से 50 से ज्यादा संपत्तियों और वित्तीय लेन-देन से जुड़े दस्तावेज बरामद किए हैं। जांच में यह भी सामने आया है कि उसने पंजाब के 10 IPS और 4 IAS अधिकारियों को संपत्तियां दीं, और इन अधिकारियों के काले धन को निवेश कर मुनाफा लौटाता था। CBI जल्द ही भूपिंदर सिंह के बैंक खातों और आयकर रिटर्न की जांच करेगी। यह भी खुलासा हुआ है कि पंजाब के अधिकारी अपने रिश्तेदारों के नाम पर भूपिंदर सिंह के जरिए जमीन के सौदे करते थे ताकि उनके नाम सामने न आएं। भूपिंदर पहले से ही कई अधिकारियों के संपर्क में था, और बाद में अन्य अफसरों ने भी उसके जरिए निवेश शुरू कर दिया। CBI को भुल्लर के मोबाइल फोन में दो जजों से बातचीत के सबूत भी मिले हैं। सूत्रों का कहना है कि CBI को शक है कि भुल्लर के जिला अदालत के कुछ जजों से करीबी संबंध हैं। भुल्लर का 5 दिन का रिमांड आज खत्म CBI ने आय से अधिक संपत्ति के मामले में निलंबित डी.आई.जी. हरचरण सिंह भुल्लर का 5 दिन का रिमांड हासिल किया था। भुल्लर को गुरुवार को रिमांड खत्म होने के बाद दोबारा अदालत में पेश किया जाएगा। सूत्रों के मुताबिक, CBI भुल्लर के रिमांड की अवधि बढ़ाने की मांग कर सकती है। भुल्लर के न्यायिक हिरासत में जाने के बाद, पंजाब विजिलेंस विभाग प्रोडक्शन वारंट जारी कर सकता है। भुल्लर और बिचौलिए कृष्णू को अलग रखा गया 5 लाख रुपये की रिश्वत मामले में बिचौलिए कृष्णू को 9 दिन और निलंबित डी.आई.जी. भुल्लर को 5 दिन के रिमांड पर रखा गया है। CBI ने दोनों को अलग-अलग रखा है और अब तक सिर्फ दो बार आमने-सामने पूछताछ की है। इसके अलावा, एजेंसी दोनों से अलग-अलग पूछताछ कर क्रॉस-वेरिफिकेशन कर रही है।

सिख पंथ से माफी मांगो, सुखबीर का पंजाब कांग्रेस पर तीखा निशाना, पोस्टर विवाद में फंसी पार्टी

तरनतारन तरनतारन उपचुनाव में प्रचार के चक्कर में पंजाब कांग्रेस एक पोस्टर विवाद में फंस गई है। कांग्रेस ने श्री गुरु तेग बहादुर जी और भाई जीवन सिंह (भाई जैता जी) की फोटो के ऊपर अपने नेशनल और स्टेट के नेताओं की फोटो लगा दी। इसकी फोटो सामने आने पर शिअद (बादल) के प्रधान सुखबीर बादल ने सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि यह सरासर गलत है। कांग्रेस को इसके लिए सिख पंथ से माफी मांगनी चाहिए। पहले कांग्रेस के पंजाब प्रधान राजा वड़िंग ने दलित भाईचारे का अपमान किया। अब नौवें पातशाह श्री गुरु तेग बहादुर जी और भाई जीवन सिंह जी का निरादर किया है। इससे सिखों के मन को बड़ी ठेस पहुंची है। सुखबीर बादल ने अपनी पोस्ट में तीन बातेंं उठाई हैं – 1. सुखबीर बादल ने अपनी पोस्ट में लिखा है कि मैं कांग्रेस पार्टी द्वारा श्री गुरु तेग बहादुर जी और भाई जीवन सिंह (भाई जैता जी) की तस्वीरों के निरादर की कड़ी निंदा करता हूं। 2. कांग्रेस पार्टी द्वारा चुनाव प्रचार के लिए लगाए गई स्टेज के ऊपर लगे बैनर पर गुरु तेग बहादुर जी और बाबा जीवन सिंह जी की तस्वीरों के ऊपर सोनिया गांधी, राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और अन्य नेताओं की तस्वीरें लगाना एक जब्र गुनाह है । 3.पहले कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष राजा वड़िंग ने दलित समाज का अपमान किया था, और अब नौंवे पातशाह श्री गुरु तेगबहादुर व भाई जीवन सिंह का निरादर किया है। इससे सिख समुदाय की भावनाओं को गहरी ठेस पहुंची है। कांग्रेस पार्टी को सिख पंथ से माफ़ी मांगनी चाहिए। इलेक्शन कमीशन को करेंगे शिकायत शिरोमणि अकाली दल के सीनियर नेता डॉ दलजीत सिंह चीमा का कहना है कि वह इस मामले में इलेक्शन कमीशन व श्री अकाल तख्त साहिब के पास भी इस मामले में शिकायत करेंंगे। उन्होंने कहा कि पहले इनके नेताओं ने पूर्व गृहमंत्री बूटा सिंह के बारे में इस गलत टिप्पणी की थी। इसको कवर करने के लिए इन्होंने यह पोस्टर लगाया था। जिसमें इन्होंने गुरुओं को निरादर किया है। इनसे मर्यादा की उम्मीद नहीं कर सकते एसजीपीसी मेंबर गुरचरन सिंह ने कहा कि ऐतबार तो उसका हो, जिसका रिकॉर्ड पहले अच्छा है। जिन लोगों ने दरबार साहिब पर टैंक, तोप चढ़ा दिए हों, 38 गुरुद्वारों पर हमला किया हो, वहां घेराबंदी की हो, उनसे हम मर्यादा की उम्मीद नहीं कर सकते हैं। गुरु साहिब जी और भाई जैता जी का मान-सम्मान का तरीका होता है। उन्हें हमेशा ऊपर सम्मान दिया जाता है। शहीदों और गुरुओं का मान-सत्कार कैसे करना है, इन्हें पता है, लेकिन ये जानबूझकर नहीं करते हैं। तरनतारन उपचुनाव में कांग्रेस के 3 विवाद ..     पहला विवाद: पंजाब प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग द्वारा खालिस्तान समर्थक को वोट देने से माहौल खराब होने संबंधी दिए बयान से शुरू हुआ था। तरनतारन में सिखों के ज्यादा वोट हैं, इसलिए अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग को बैकफुट पर आना पड़ा था।     दूसरा विवाद: राजा वड़िंग के पूर्व गृह मंत्री स्व. बूटा सिंह पर दिए बयान से बवाल चल रहा है। उनके खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज होने के साथ-साथ नेशनल SC कमीशन ने भी इस बारे में जवाब मांगा है। पंजाब SC कमीशन ने तो वड़िंग को व्यक्तिगत तौर पर पेश होने का आदेश दे दिया।     तीसरा विवाद: अब तरनतारन में जनसभा के दौरान स्टेज पर श्री गुरू तेग बहादुर और भाई जैता जी की फोटो के ऊपर कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व की फोटो लगा दी गई। इस मामले में अकाली दल ने पहले ही विरोध शुरू कर दिया है। सिख बहुल सीट तरनतारन में कांग्रेस के लिए यह और मुश्किलें बढ़ा सकता है।

पंजाब में मौसम बदलाव: तापमान में गिरावट और 5 दिन में पराली जलने के 1291 मामले, संगरूर सबसे आगे

अमृतसर  पंजाब में पश्चिमी विक्षोभ का असर खत्म होने के बाद अब तापमान में गिरावट देखने को मिलेगी। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार आने वाले तीन दिनों में 3 से 5 डिग्री तक तापमान गिरने की संभावनाएं हैं। जबकि उसके बाद अधिक बदलाव देखने को नहीं मिलेगा।  कंसोर्टियम फॉर रिसर्च ऑन एग्रो-इकोसिस्टम मॉनिटरिंग एंड मॉडलिंग फ्रॉम स्पेस के अनुसार बीते 5 दिनों में राज्य में 1291 मामले पराली जलाने के सामने आए हैं। जबकि बीते 15 सितंबर से 31 अक्टूबर तक डेढ़ माह में 1642 मामले सामने आए थे। 5 दिनों में पराली जलाने घटनाएं तेज हो गईं हैं। लेकिन, 5 नवंबर को मात्र 94 मामले देखने को मिले। ये गिरावट गुरु नानक देव जी प्रकाश पर्व के कारण हो सकती है। इन आंकड़ों के अनुसार बीते 5 दिनों में सबसे अधिक पराली मुख्यमंत्री भगवंत मान के गृह जिले संगरूर में जली। यहां 5 दिनों में 245 मामले देखने को मिले। जबकि तरनतारन में 135, फिरोजपुर में 130, बठिंडा में 109, मानसा व मोगा में 87-87, मुक्तसर में 73, पटियाला में 71, लुधियाना में 58 और अमृतसर में 57 मामले देखने को मिले हैं। 24 घंटों में 1.6 डिग्री गिरा तापमान पंजाब में बीते 24 घंटों में सर्वाधिक तापमान में 1.6 डिग्री की गिरावट देखने को मिली है। जबकि सर्वाधिक तापमान मानसा में 31.5 डिग्री दर्ज किया गया। इसके अलावा अमृतसर में 26.4 डिग्री, लुधियाना में 31.2 डिग्री, पटियाला में 29.5 डिग्री, बठिंडा में 30.5 डिग्री, फरीदकोट में 27.5 डिग्री, गुरदासपुर में 27 डिग्री दर्ज किया गया है। आने वाले दिनों में अब मौसम साफ रहेगा व बारिश का अनुमान नहीं है। लेकिन अगले तीन दिनों तक तापमान में 3 से 5 डिग्री तक गिरावट देखने को मिल सकती है। उत्तर भारत में अगले तीन दिनों में 5 डिग्री कम हो जाएगा पारा उत्तर भारत में ठंड बढ़ने लगी है। मौसम विभाग ने बताया है कि अगले तीन दिनों में पांच डिग्री तक न्यूनतम तापमान गिर जागा। मौसम विभाग के अनुसार, अगले तीन दिनों तक उत्तर पश्चिम भारत में तीन से पांच डिग्री सेल्सियस की गिरावट आने की संभावना है। हालांकि, उसके बाद कुछ दिनों तक कोई बड़ा बदलाव देखने को नहीं मिलेगा। इसके अलावा, अगले तीन दिनों तक मध्य भारत में न्यूनतम तापमान में दो से चार डिग्री सेल्सियस की गिरावट आने की संभावना है। बारिश की बात करें तो बंगाल की खाड़ी के उत्तर पू्रव और उससे सटे हुए बांग्लादेश में एक कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है, जिसकी वजह से पांच से आठ नवंबर के दौरान तमिलनाडु के कुछ स्थानों पर भारी बारिश होने वाली है। इसके अलावा, पांच से सात नवंबर के दौरान रायलसीमा, पांच को तटीय और उत्तरी आंतरिक क्रनाटक, पांच से सात नवंबर के दौरान दक्षिा आंतरिक कर्नाटक में बारिश, बिजली कड़कने की संभावना है। पश्चिम भारत की बात करें तो पांच नवंबर को कोंकण, गोवा, मध्य महाराष्ट्र में बिजली कड़कने के साथ साथ छींटे पड़ने की संभावना है। पूर्व और पूर्वोत्तर भारत की बात करें तो पांच नवंबर को अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नगालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा में बिजली कड़कने के साथ छींटे पड़ने का अलर्ट है। पांच नवंबर को नगालैंड, मणिपुर, मिजोमर, त्रिपुरा में भारी बरसात होगी।