samacharsecretary.com

मध्यप्रदेश के हिल स्टेशन पचमढ़ी पहुंचेगा जल्द, नई हेलीकॉप्टर सेवा से समय कम हुआ

 पचमढ़ी   मध्यप्रदेश के हिल स्टेशन पचमढ़ी के सैर करने वाले सैलानियों के लिए अच्छी खबर है। अब पचमढ़ी को हवाई सेवा से जोड़ा जा रहा है। सैलानियों को यह नई सौगात 20 नवबर से मिलने लगेगी। इसकी तैयारी लगभग पूरी हो गई है। बस 35 मिनट में पहुंच जाएंगे पचमढ़ी भोपाल से पचमढ़ी के पहुंचने के लिए अभी सड़क मार्ग है। इसमें सैलानियों को 6 से 7 घंटे का समय लगता है। हवाई सेवा शुरू होने से 6 घंटे का सफर महज 35 मिनट में पूरा हो जाएगा। कानूनी दांव पेंच में उलझी पचमढ़ी की हवाई पट्टी पर हेलीकाप्टर उतारने के लिए वीआईपी हेलीपैड को अपडेट कर दिया गया है। हेलिपैड के पास लगाए गए बेरिकेड्स लोक निर्माण विभाग ने हेलीपेड का रंग रोगन कर सुरक्षा के लिए चारों तरफ बेरिकेड्स लगा दिए गए हैं। अभी तक इस हेलीपैड का राज्यपाल, मुख्यमंत्री सहित देशभर से आने वाले अति विशिष्ट अतिथियों को लेकर आने वाले हेलीकॉप्टर लिए इस्तेमाल किया जाता है। अब इस पर सैलानियों को लाने वाले हेलीकॉप्टर को भी उतरा जाएगा। पर्यटन बोर्ड (mp tourism) की हेलीकॉप्टर सेवा शुरु करने के लिए विभागीय तैयारी हो गई है। यहां से वे सतपुडा टाइगर रिजर्व के (एसटीआर) के मढ़ई, नीमधान, चूरना तक सड़क यात्रा कर जा सकते हैं। कार से 4 और बस से 6 घंटे में होता है सफर पूरा भोपाल से पचमढ़ी की दूरी लगभग 211 किलोमीटर है। सड़क से पचमढ़ी आने के लिए सैलानियों को कार, टैक्सी से और यात्री बस से 6 घंटे का सफर करना पड़ता है। हेलीकॉप्टर सुविधा शुरु होने के बाद टूरिस्ट 35 मिनट में पचमढ़ी पहुंच जाएंगे। हेलीकॉप्टर सेवा का किराया निर्धारण होना बाकी भोपाल से पचमढ़ी तक हेलीकॉप्टर में सैलानियों को कितना किराया देना पड़ेगा। इसका निर्धारण होना बाकी है। इसके लिए एमपीटी व्यवस्थाएं कर रहा है। प्रदेश के अन्य पर्यटन स्थलों की तरह पचमढ़ी आवागमन करने वाले सैलानियों से निर्धारित किराया लिया जाएगा। पर्यटन में होगा इजाफा भोपाल से पचमढ़ी के हेलीकॉप्टर सेवा शुरु की जा रही है। इसमें सैलानियों से कितना किराया लगेगा। इसका निर्धारण होना बाकी है। इस सुविधा से पचमढ़ी और सतपुड़ा टाइगर रिजर्व के पर्यटन में इजाफा होगा। – एके श्रीवास्तव, संयुक्त संचालक पर्यटन बोर्ड भोपाल

राहुल गांधी पचमढ़ी पहुंचे, जंगल सफारी के साथ BJP पर साधा निशाना – कहा, वोट चोरी का खेल एमपी में भी

भोपाल लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी रविवार सुबह पचमढ़ी की खूबसूरत वादियों में जंगल सफारी के लिए निकले। दो दिनों से मध्यप्रदेश के हिल स्टेशन पर प्रवास कर रहे राहुल गांधी ने प्राकृतिक सौंदर्य का लुत्फ उठाया। रविवार सुबह राहुल गांधी का काफिला रविशंकर भवन से रवाना हुआ। जानकारी के अनुसार, जंगल सफारी का कार्यक्रम शनिवार देर रात लगभग 11 बजे तय किया गया था, जिसके बाद रातभर तैयारी की गई। सुबह काफिला पनारपानी गेट पहुंचा, जहां से राहुल गांधी और जीतू पटवारी ने जिप्सी में बैठकर सफारी शुरू की। इस दौरान राहुल गांधी ने मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि हरियाणा में 25 लाख वोट चोरी हुई है। उस डाटा को देखने के बाद लग रहा है कि यही मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र  और छत्तीसगढ़ में भी हुआ है। अब एसआईआर के जरिए उसको कवर करने की कोशिश की जा रही है। राहुल ने कहा कि हमारे पास डिटेल में जानकारी हैं, धीरे धीरे उसका उसका भी खुलासा करेंगे। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र पर आक्रमण हो रहा हैं। बाबा साहब के संविधान पर आक्रमण हो रहा है। अमित शाह जी, मोदी जी और ज्ञानेश जी साथ में मिलकर यह कर रहे हैं।  इससे देश का बहुत बड़ा नुकसान हो रहा है। भारत माता का नुकसान हो रहा हैं। 

2 से 12 अक्टूबर तक पचमढ़ी में कांग्रेस प्रशिक्षण शिविर, राहुल और खरगे बताएंगे जीत की रणनीति

भोपाल  मध्य प्रदेश कांग्रेस के 71 जिलाध्यक्षों को पचमढ़ी में आवासीय प्रशिक्षण (residential training) दिया जाएगा। इस प्रशिक्षण शिविर का आयोजन आगामी 2 से 12 अक्टूबर तक किया जाएगा। इस खास ट्रेनिंग शिविर में लोकसभा में विपक्ष के नेता और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी (Rahul Gandhi) भी उपस्थित होंगे। इस दस दिन के कार्यक्रम में राहुल गांधी दो दिन तक जिला अध्यक्षों को मार्गदर्शन देंगे। इससे पार्टी के कार्यकर्ताओं को आने वाली चुनावी चुनौतियों के लिए बेहतर तरीके से तैयार किया जा सके। वहीं, इस प्रशिक्षण शिविर में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे भी शमिल होंगे। राहुल गांधी जिला अध्यक्षों से करेंगे संवाद     सूत्रों के अनुसार, कांग्रेस सांसदराहुल गांधी इस कार्यक्रम के दौरान जिला अध्यक्षों के साथ न केवल सार्वजनिक रूप से संवाद करेंगे, बल्कि वे उनसे व्यक्तिगत (one-to-one) बातचीत भी करेंगे। इस बातचीत में वे जिला अध्यक्षों से उनके जिलों की सामाजिक और राजनीतिक परिस्थितियों, चुनौतियों और भविष्य की रणनीतियों पर चर्चा करेंगे। यह संवाद कांग्रेस को आगामी चुनावों के लिए एक मजबूत रणनीति तैयार करने में मदद करेगा। कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष खरगे भी आएंगे इस प्रशिक्षण शिविर में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे भी शामिल होंगे। संभावित कार्यक्रम के मुताबिक, खरगे इस शिविर के उद्घाटन कार्यक्रम में शामिल होंगे। इस प्रशिक्षण शिविर में जयराम रमेश, पवन खेड़ा, सुप्रिया श्रीनेत, कांग्रेस ट्रेनिंग डिपार्टमेंट के नेशनल हेड सचिन राव, मप्र के प्रभारी हरीश चौधरी, पीसीसी चीफ जीतू पटवारी, नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार भी शामिल होंगे। अध्यक्षों से खुद चर्चा करेंगे राहुल गांधी सूत्रों की मानें तो राहुल गांधी ट्रेनिंग के दौरान जिला अध्यक्षों को न केवल संबोधित करेंगे, बल्कि, जिला अध्यक्षों से वन टू वन बातचीत भी करेंगे। जिला अध्यक्षों से उनके जिले की सामाजिक, राजनीतिक परिस्थितियों, चुनौतियों और भविष्य की रणनीति पर चर्चा कर सकते हैं। सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, राहुल गांधी ट्रेनिंग के दौरान जिलाध्यक्षों को न केवल संबोधित करेंगे, बल्कि उनसे वन-टू-वन चर्चा भी करेंगे. इस दौरान जिलाध्यक्षों से उनके जिले की सामाजिक, राजनीतिक हालातों, चुनौतियों और भविष्य की रणनीति पर विचार विमर्श करेंगे. इस प्रशिक्षण शिविर के दौरान कांग्रेस के कई बड़े-बड़े नेता जयराम रमेश, पवन खेड़ा, सुप्रिया श्रीनेत, कांग्रेस ट्रेनिंग डिपार्टमेंट के नेशनल हेड सचिन राव, एमपी के प्रभारी हरीश चौधरी, पीसीसी चीफ जीतू पटवारी, नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार भी मौजूद रहेंगे.  ट्रेनिंग में क्या क्या होगा? मिली जानकारी के मुताबिक, इस दस दिवसीय प्रशिक्षण शिविर के दौरान जिलाध्यक्षों के सुबह उठने से लेकर रात तक सोने तक का मिनट-टू-मिनट का प्रोग्राम निश्चित किया गया है. बता दें कि रोजाना सुबह 7 बजे से लेकर शाम 7 से 8 बजे तक चलेगा. इसके अलावा, सुबह के समय में सैर, योग, ध्यान जैसी गतिविधियां भी कराई जाएंगी. इस प्रशिक्षण का मकसद आगामी समय में होने वाले नगरीय निकाय, पंचायत चुनाव और 2028 के विधानसभा चुनाव और 2029 के लोकसभा चुनाव को लेकर पूरा रोडमैप तैयार किया जाएगा.      मध्यप्रदेश कांग्रेस के 71 जिलाध्यक्षों को पचमढ़ी में 2-12 अक्टूबर तक आवासीय प्रशिक्षण मिलेगा, जिसमें राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खरगे भी शामिल होंगे।     राहुल गांधी जिला अध्यक्षों से एक व्यक्तिगत संवाद करेंगे और आगामी चुनावों के लिए रणनीति तैयार करने पर चर्चा करेंगे।     कांग्रेस के वरिष्ठ नेता जैसे जयराम रमेश, पवन खेड़ा, सुप्रिया श्रीनेत, और सचिन राव भी इस प्रशिक्षण शिविर का हिस्सा होंगे।     इस ट्रेनिंग में पार्टी कार्यकर्ताओं को ब्लॉक, मंडल, वार्ड, ग्राम पंचायत और बूथ स्तर तक संगठन बनाने के तरीकों की जानकारी दी जाएगी।     पचमढ़ी को शांति और आरामदायक माहौल के कारण इस प्रशिक्षण के लिए चुना गया है, जो शहर की हलचल से दूर है। जिले में कैडर मैनेजमेंट से लेकर 4 चुनावों तक के लिए तैयार होंगे पचमढ़ी में होने वाली ट्रेनिंग में कांग्रेस के जिला अध्यक्षों को अपने जिले में ब्लॉक, मंडलम, सेक्टर, वार्ड, ग्राम पंचायत और बूथ लेवल तक संगठन बनाने के बारे में बताया जाएगा। आगामी समय में होने वाले नगरीय निकाय, पंचायत चुनाव और 2028 के विधानसभा और 2029 के लोकसभा चुनाव को लेकर कैसे रणनीति बनाना है, इसका पूरा रोडमैप बताया जाएगा। अब जानिए दस दिन की ट्रेनिंग में क्या होगा प्रशिक्षण शिविर में दस दिन की ट्रेनिंग में जिला अध्यक्षों के सुबह उठने से लेकर रात तक सोने का मिनट टू मिनट का प्रोग्राम तय किया गया है। प्रतिदिन सुबह 7 बजे शुरू होकर शाम 7-8 बजे तक चलेगा। इसमें सुबह की सैर, योग और ध्यान जैसी गतिविधियां कराई जाएंगी। जिले में कार्यकारिणी से लेकर, ब्लॉक, मंडलम, सेक्टर, वार्ड, ग्राम पंचायत और बूथ स्तर पर पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं का चयन कैसे करना है। पार्टी के दिग्गज नेता बताएंगे। पचमढ़ी को क्यों चुना? शहरों की भागदौड़ से दूर एकांत में सतपुड़ा की वादियों के शांत माहौल में दस दिनों तक जिला अध्यक्षों और बाहर से आने वाले विषय विशेषज्ञों और दिग्गजों के रुकने के लिए फाइव स्टार रेटिंग वाले होटल मौजूद हैं। बडे़ नेताओं के आने के लिए भोपाल नजदीकी एयरपोर्ट है। राहुल गांधी, मल्लिकार्जुन खरगे जैसे नेता हेलिकॉप्टर के जरिए सीधे पहुंच सकेंगे। वहीं जिला अध्यक्षों और प्रदेश के नेताओं को पचमढ़ी तक पहुंचने के लिए ट्रेन और आसान सड़क रूट है। ऐसे में नेताओं को पहुंचने और रुकने में आसानी होगी। भविष्य की चुनावी तैयारी पर ध्यान केंद्रित इस विशेष ट्रेनिंग में कांग्रेस के जिला अध्यक्षों को संगठनात्मक स्तर पर कार्य करने की पूरी जानकारी दी जाएगी। पचमढ़ी में होने वाली इस ट्रेनिंग में कार्यकर्ताओं को ब्लॉक, मंडल, सेक्टर, वार्ड, ग्राम पंचायत और बूथ स्तर तक संगठन बनाने की प्रक्रिया के बारे में बताया जाएगा। इसके साथ ही आगामी नगरीय निकाय चुनाव, पंचायत चुनाव, और 2028 विधानसभा चुनाव और 2029 लोकसभा चुनाव के लिए रणनीतियाँ तैयार की जाएंगी। जानें इस दस दिन के प्रशिक्षण में क्या होगा? प्रशिक्षण शिविर में प्रत्येक दिन का कार्यक्रम सुबह 7 बजे से लेकर रात 7-8 बजे तक निर्धारित किया गया है। इसमें जिला अध्यक्षों को पूरे दिन के लिए एक विस्तृत शेड्यूल मिलेगा। इसमें सुबह की सैर, योग, और ध्यान जैसी गतिविधियाँ शामिल होंगी। इसके अलावा, इस प्रशिक्षण में कार्यकारिणी से लेकर ब्लॉक, मंडल, सेक्टर, वार्ड, ग्राम पंचायत और बूथ स्तर तक पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं का चयन कैसे करना है, इस पर भी … Read more

MP के पचमढ़ी में जश्न का माहौल: सुप्रीम कोर्ट ने हटाई 25 साल पुरानी रोक, अब मिलेगी मकान निर्माण की छूट

पचमढ़ी  हिल स्टेशन पचमढ़ी के छावनी परिषद क्षेत्र में रहने वाले लोग चार मंजिला तक भवन निर्माण (four storey building construction) कर सकेंगे। सर्वोच्च न्यायालय ने बुधवार को सुनवाई के दौरान पचमढ़ी कैंटोनमेंट एरिया में निर्माण पर लगी रोक को हटा दिया है। यहां ग्राउंड प्लस थ्री (G+3) के हिसाब से निर्माण करने के पक्ष में निर्णय सुनाया है। 25 साल बाद रोक हटने से पचमढ़ी में जश्न का महौल है। लोग सड़क पर निकलकर खुशियां मना रहे हैं।  सुप्रीम कोर्ट ने जी प्लस थ्री लागू करने का दिया आदेश सुप्रीम कोर्ट में पचमढ़ी छावनी परिषद की तरफ से पक्ष रखते हुए वरिष्ठ अधिवक्ता विवेक तन्खा ने बताया कि पचमढ़ी के कैंटोनमेंट एरिया में प्लॉट के साइज छोटे हैं। यहां 300 स्क्वायर फीट में भवन निर्माण संभव नहीं है। इसलिए जी प्लस थ्री (G+3) को लागू किया जाना चाहिए। सुनवाई के बाद सर्वोच्च न्यायालय ने आदेश दिया कि कैंटोनमेंट एरिया में भवन निर्माण के नियमों के तहत ग्राउंड प्लस थ्री लागू किया जाए। शहर में जश्न का माहौल क्षेत्र में आर्मी की भूमि की सुरक्षा आर्मी करेगी। छावनी परिषद में भारत सरकार के ओर से नामित सदस्य संजय लेडवानी ने बताया कि आज पचमढ़ी की जनता की जीत हुई है। इससे जनता को राहत मिलेगी। कार्ट के आदेश के बाद पचमढ़ी में दोपहर से जश्न का माहौल बन गया। लोगों ने एक दूसरे को शुभाकानाएं देकर मिठाइयां बांटी। सुप्रीम कोर्ट ने बनाई थी कमेटी वरिष्ठ अधिवक्ता तन्खा ने बताया 2000 में पचमढ़ी के छावनी एरिया में निर्माण पर रोक लगाई थी। इसे लेकर सुप्रीम कोर्ट ने मार्च 2018 में कमेटी बनाई थी। कमेटी ने छावनी एरिया में जी प्लस थ्री लागू करने की सिफारिश की थी। जर्जर हो गए कई मकान पचमढ़ी में अधिकतर मकान जर्जर हैं। लोग मकानों की मरम्मत कराना चाहते हैं लेकिन रोक लगी होने के कारण उन्हें कई समस्याओं का सामना करना पड़ रहा था। पचमढ़ी की जनता को मिलेगी राहत- विवेक तन्खा पचमढ़ी के पक्ष में फैसला सुनाते हुए सर्वोच्च न्यायालय (Supreme Court) ने ग्राउंड प्लस थ्री को लागू कर दिया है। हमने कोर्ट के सामने अपना पक्ष रखा था। इस निर्णय से पचमढ़ी की जनता को राहत मिलेगी। मैंने इसे लेकर ट्वीट भी किया है।– विवेक तन्खा, छावनी परिषद के अधिवक्ता