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रेगिस्तान में छलका जाम? सऊदी अरब में शराब बिक्री पर सख्ती ढीली, दुकानों पर उमड़ी भीड़

सऊदी अरब  सऊदी अरब ने चुपचाप एक ऐसा फैसला लिया है, जिसकी चर्चा पूरी दुनिया में हो रही है। दरअसल, दशकों से लागू सख्त शराब प्रतिबंध के बीच बड़ा बदलाव किया गया है। सऊदी सरकार ने अपने एकमात्र शराब बेचने वाले स्टोर तक अमीरों की पहुंच बढ़ा दी है। इस बदलाव के बाद गैर-मुस्लिम विदेशी नागरिक, जिनके पास प्रीमियम रेजिडेंसी परमिट है, अब इस स्टोर से शराब खरीद सकते हैं। इस फैसले की कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन खबर फैल चुकी है और सऊदी राजधानी रियाद के डिप्लोमैटिक क्वार्टर में स्थित बिना किसी पहचान वाले स्टोर के बाहर कारों और लोगों की लंबी कतारें देखी जा रही हैं।   रिपोर्टों के अनुसार, यह शराब की दुकान रियाद के डिप्लोमैटिक क्वार्टर में स्थित है। यह दुकान बाहर से पूरी तरह सामान्य दिखती है और इस पर कोई नाम या पहचान नहीं है। बताया जाता है कि यह स्टोर जनवरी 2024 में खोला गया था, जहां पहले केवल गैर-मुस्लिम राजनयिकों को ही शराब खरीदने की अनुमति थी। लेकिन अब प्रीमियम रेजिडेंसी वाले गैर-मुस्लिम विदेशी नागरिक भी यहां से शराब खरीद सकते हैं। प्रीमियम रेजिडेंसी परमिट क्या है? प्रीमियम रेजिडेंसी परमिट सऊदी अरब की एक खास नीति का हिस्सा है, जिसके जरिए वह निवेशकों, उद्यमियों और विशेष कौशल वाले लोगों को आकर्षित करना चाहता है। इस परमिट के लिए मुख्य शर्त उच्च आय और बड़ा निवेश है। इसके तहत विदेशी लोग बिना किसी सऊदी स्पॉन्सर के संपत्ति खरीद सकते हैं, बिजनेस शुरू कर सकते हैं और अपना परिवार भी साथ रख सकते हैं। शराब की कीमतें कितनी हैं? एसोसिएटेड प्रेस और अन्य रिपोर्टों के अनुसार, स्टोर से बाहर निकलने वाले ग्राहकों ने बताया कि कीमतें काफी ज्यादा हैं। राजनयिकों को उनकी खरीदारी पर टैक्स में छूट मिलती है, लेकिन प्रीमियम रेजिडेंसी धारकों को नहीं। ग्राहकों ने स्टोर को अच्छी तरह से स्टॉक किया हुआ बताया, हालांकि कुछ ने कहा कि बीयर और वाइन का चयन अभी सीमित है। पहले लोग शराब कहां से पीते थे? सऊदी अरब में शराब पर सख्त प्रतिबंध होने के कारण यहां रहने वाले लोग अक्सर पड़ोसी देश बहरीन जाते थे, जहां मुसलमानों और गैर-मुसलमानों दोनों के लिए शराब कानूनी है। सप्ताह के अंत और छुट्टियों में सऊदी अरब और खाड़ी देशों से बड़ी संख्या में लोग बहरीन जाते हैं, जिससे यह एक लोकप्रिय पर्यटन स्थल बन गया है। इसके अलावा, कुछ लोग तस्करी वाली शराब का भी सहारा लेते हैं, जो बेहद महंगी होती है। सऊदी अरब ऐसा क्यों कर रहा है? यह बदलाव सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान और किंग सलमान के नेतृत्व में पिछले कुछ सालों से हो रहे बड़े सामाजिक और आर्थिक सुधारों का हिस्सा है। यहां सिनेमा हॉल खोले गए हैं, महिलाओं को ड्राइविंग की अनुमति दी गई है और बड़े म्यूजिक फेस्टिवल आयोजित किए जा रहे हैं। माना जा रहा है कि ये फैसले पर्यटन बढ़ाने, विदेशी निवेशकों को आकर्षित करने और तेल पर निर्भरता कम करने के लिए किए जा रहे हैं। यह बदलाव विजन 2030 के तहत देश को ज्यादा आधुनिक और वैश्विक बनाने की दिशा में एक कदम है।

कंट्रोवर्सी का साल—दीपिका, सैफ समेत 6 बड़े बॉलीवुड विवाद जिन्होंने सुर्खियां बटोरीं

मुंबई  साल 2025 अब कुछ ही दिनों में खत्म होने वाला है। इस पूरे साल कई एक्टर्स अलग वजहों के चलते खबरों में बने रहे। कुछ के बेबाक बयानों ने खबरों की हैडलाइन बनाई तो कुछ अपने अलग अंदाज के लिए छाए रहे। लेकिन इंडस्ट्री के ये 6 ऐसे मामले हैं जो हफ्तों, महीने छाए रहे। ये ऐसे विवाद थे जिनके चर्चे साल के आखिर तक हो हो रहे हैं। इन 6 विवादों के बिना साल 2025 का बॉलीवुड अधूरा लगेगा।   साल 2025 की शुरुआत ही एक हैरान करने वाली घटना के साथ हुआ था। बॉलीवुड एक्टर सैफ अली खान और करीना कपूर के घर पर एक अनजान शख्स ने घुसकर उनपर हमला कर दिया था। ये हमला इतना भयानक था कि सैफ के गर्दन और पीठ पर चाकू के वार थे। सैफ के मुताबिक अगर ये हमला गर्दन की नस पर थोड़ा और जोर से होता तो उनकी जान को खतरा था। इस हमले के बाद सैफ और करीना ने अपने घर की सुरक्षा बढ़ा दी थी।    भारत और पाकिस्तान के बीच रिश्ते थोड़े सुधर ही रहे थे कि अचनाक 22 अप्रैल को कश्मीर के पहलगाम में आतंकवादियों ने टूरिस्ट पर हमला कर दिया। इस हमले के बाद देश में पाकिस्तान के लिए इतनी नाराजगी थी कि उन्होंने एक्टर्स का विरोध करना शुरू किया। दिलजीत दोसांझ की फिल्म में सरदार जी 3 में हानिया आमिर नजर आने वाली थी। लेकिन विरोध के बाद फिल्म भारत में रिलीज नहीं की गई। फिल्म के मेकर्स ने बताया कि उन्होंने हानिया की कास्टिंग और शूटिंग पहलगाम हमले से पहले कर ली थी। हालांकि, इस पूरे मामले में दिलजीत का भी विरोध किया गया। परेश रावल हेरा फेरी 3 से बाहर हेरा फेरी 3 को लेकर फैंस एक्साइटेड थे। फिल्म को लेकर अक्षय कुमार, सुनील शेट्टी और परेश रावल ने प्रमोशनल शूटिंग भी कर ली थी। फिर अचानक परेश रावण ने बताया कि वो हेरा फेरी 3 का हिस्सा नहीं हैं। एक्टर के इस बयान ने अक्षय कुमार के लिए मुसीबतें खड़ी कर दी थीं, क्योंकि वही इसे प्रोड्यूस कर रहे हैं। बाद में कानूनी तरीके से इस मामले को सुलझाया गया और खुद अक्षय कुमार ने परेश रावल की वापसी कन्फर्म की थी।   दीपिका पादुकोण की 8 घंटे शिफ्ट की मांग रणबीर कपूर के साथ एनिमल बनाने वाले डायरेक्टर संदीप रेड्डी वांगा दीपिका पादुकोण को लार फिल्म स्पिरिट बनाना चाहते थे। दोनों के बीच फिल्म को लेकर मुलाकात भी हुई। लेकिन बात नहीं बनी। बाद में खबर सामने आई थी कि दीपिका ने संदीप से 8 घंटे की शिफ्ट के साथ कई अन्य मांगे की थीं। बाद में संदीप रेड्डी ने दीपिका की जगह तृप्ति डिमरी को प्रभास के अपोजिट कास्ट कर लिया।ये विवाद इस साल खबरों में बना रहा।   करिश्मा कपूर के बच्चों की प्रॉपर्टी विवाद करिश्मा कपूर के पूर्व पति संजय कपूर के निधन के बाद उनके दोनों बच्चे समायरा और कियान कोर्ट में अपनी सौतेली मां प्रिया सचदेव के साथ पिता की प्रॉपर्टी को लेकर कानूनी जंग लड़ रहे हैं। ये मामला संजय की डेथ के बाद से खबरों में बना हुआ है। बॉलीवुड एक्ट्रेस जया बच्चन और पैपराजी का रिश्ता सालों से खराब है। एक्ट्रेस को कई बार पैपराजी के साथ तीखे शब्दों में बात करते हुए देखा गया है। हाल में जया ने पैपराजी के पहनावे पर कमेंट किया था जो खूब वायरल हुआ। ये मामला खबरों में बना रहा।

आज का राशिफल 22 दिसंबर: मेष से मीन तक जानें आपका दिन कैसा बीतेगा

मेष राशि- आज किस्मत आपका पूरा साथ देगी। नौकरी और कारोबार में आगे बढ़ने के योग बन रहे हैं। जो काम अटके हुए थे, उनमें गति आएगी। सेहत पहले से बेहतर रहेगी। प्रेम और संतान पक्ष भी मजबूत रहेगा। व्यापार में लाभ के संकेत हैं। कुल मिलाकर दिन शुभ रहेगा। पीली वस्तु अपने पास रखें। वृषभ राशि- आज थोड़ा संभलकर चलने की जरूरत है। परिस्थितियां आपके पक्ष में नहीं दिख रही हैं। किसी भी तरह का जोखिम लेने से बचें। बेवजह विवाद या परेशानी में फंस सकते हैं। प्रेम और संतान की स्थिति सामान्य रहेगी। व्यापार ठीक रहेगा, लेकिन सावधानी जरूरी है। पीली वस्तु का दान करें। मिथुन राशि- आज जीवनसाथी के साथ अच्छा समय बीतेगा। मन खुश रहेगा और दिन कुछ हद तक छुट्टी जैसा महसूस होगा। नौकरी, प्रेम, संतान, सेहत और व्यापार- हर क्षेत्र में स्थिति काफी अच्छी रहेगी। सकारात्मक ऊर्जा बनी रहेगी। बजरंगबली को प्रणाम करें। कर्क राशि- आज बड़ों का आशीर्वाद मिलेगा। ज्ञान और समझ में बढ़ोतरी होगी। सेहत थोड़ी मध्यम रह सकती है, इसलिए ध्यान रखें। प्रेम और संतान से जुड़े मामलों में सुधार रहेगा। व्यापार में भी लाभ के संकेत हैं। भगवान शिव का जलाभिषेक करें। सिंह राशि- आज विद्यार्थियों और रचनात्मक क्षेत्र से जुड़े लोगों के लिए दिन अच्छा है। लेखक, कवि और कलाकारों को सफलता मिल सकती है। सेहत ठीक रहेगी, लेकिन भावनाओं में बहकर कोई फैसला न लें। प्रेम और संतान पक्ष थोड़ा कमजोर रह सकता है। व्यापार अच्छा चलेगा। पीली वस्तु पास रखें। कन्या राशि- आज मन थोड़ा परेशान और बेचैन रह सकता है। खर्च बढ़ सकते हैं। बेवजह चिंता करने से बचें। हालांकि प्रेम, संतान और व्यापार से जुड़ी स्थिति ठीक रहेगी। मां काली को प्रणाम करते रहें। तुला राशि- आज घर-परिवार में थोड़ी नोकझोंक हो सकती है, लेकिन भूमि, मकान या वाहन खरीदने के योग बन रहे हैं। सेहत अच्छी रहेगी। प्रेम और संतान से खुशी मिलेगी। व्यापार में भी लाभ होगा। बस घरेलू तनाव से बचने की कोशिश करें। पीली वस्तु का दान करें। वृश्चिक राशि- आज आय के नए स्रोत बन सकते हैं। पुराने कामों से भी पैसा मिलने के योग हैं। सेहत अच्छी रहेगी। प्रेम और संतान से सुख मिलेगा। व्यापार में लाभ होगा। हरी वस्तु पास रखें। धनु राशि- आज आपका पराक्रम रंग लाएगा। मेहनत का पूरा फल मिलेगा। व्यापार की स्थिति मजबूत होगी। परिवार और अपनों का सहयोग मिलेगा। सेहत अच्छी रहेगी। प्रेम और संतान का साथ मिलेगा। पीली वस्तु का दान करें। मकर राशि- आज धन लाभ के अच्छे योग बन रहे हैं। परिवार में खुशखबरी मिल सकती है। सेहत अच्छी रहेगी। प्रेम और संतान से जुड़ी बातें आपके पक्ष में रहेंगी। व्यापार में भी फायदा होगा। लाल वस्तु अपने पास रखें। कुंभ राशि- आज मन में सकारात्मक ऊर्जा बनी रहेगी। जरूरत के अनुसार चीजें जीवन में मिलती जाएंगी। प्रेम और संतान से थोड़ी दूरी महसूस हो सकती है। व्यापार अच्छा रहेगा। लाल वस्तु पास रखें। मीन राशि- आज व्यापार की स्थिति अच्छी रहेगी। सरकारी कामों में सफलता मिल सकती है। कोर्ट-कचहरी के मामलों में जीत के संकेत हैं। सेहत, प्रेम और व्यापार तीनों ही अच्छे रहेंगे। लाल वस्तु का दान करें।

बाबरी मस्जिद विवाद पर मोहन भागवत की दो-टूक: ‘इससे न हिंदुओं का भला होगा, न मुसलमानों का’

कोलकाता  पश्चिम बंगाल में बाबरी मस्जिद के लिए नींव डाले जाने पर आरएसएस चीफ मोहन भागवत की प्रतिक्रिया है। मोहन भागवत ने कहा कि यह एक सियासी साजिश है। बाबरी मस्जिद फिर से बनाने का विवाद वोटों के लिए खड़ा किया जा रहा है। मोहन भागवत ने कहा कि इससे ना तो हिंदुओं का भला होने वाला है और ना ही मुसलमानों का। गौरतलब है कि टीएमसी से निलंबित विधायक हुमायूं कबीर ने बेलडांगा में बाबरी मस्जिद बनाने का ऐलान किया है।   मोहन भागवत से पूछा गया कि क्या सरकारी पैसे धार्मिक स्थल का निर्माण करना ठीक है? इसके जवाब में उन्होंने कहा कि सरकार को मंदिर या कोई भी धार्मिक स्थल नहीं बनाना चाहिए। यही नियम है। उन्होंने कहाकि सोमनाथ मंदिर बनाया गया था। उस समय सरदार वल्लभभाई पटेल गृहमंत्री थे। राष्ट्रपति भी उद्धाटन समारोह में शामिल हुए थे। लेकिन इसमें सरकारी पैसे का इस्तेमाल नहीं हुआ था। आरएसएस प्रमुख ने आगे कहा कि राम मंदिर भी सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद बनाया गया था। सरकार से ट्रस्ट बनाने के लिए कहा गया था और उन्होंने वैसा ही किया। सरकार ने पैसा नहीं दिया था, बल्कि हम लोगों ने सहयोग से धन जुटाया था। इससे पहले विहिप ने कहा था कि मुर्शिदाबाद में अयोध्या की बाबरी मस्जिद की तर्ज पर मस्जिद का निर्माण करना भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) के तहत अपराध है। साथ ही पश्चिम बंगाल सरकार से निलंबित टीएमसी विधायक हुमायूं कबीर के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश देने का आग्रह किया। गौरतलब है कि छह दिसंबर को, तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के निलंबित नेता कबीर ने मुर्शिदाबाद जिले के रेजिनगर में अयोध्या की बाबरी मस्जिद की तर्ज पर बनाई जाने वाली मस्जिद की आधारशिला रखी। इससे अगले साल की शुरुआत में होने वाले विधानसभा चुनावों से पहले से ही ध्रुवीकृत पश्चिम बंगाल में राजनीतिक माहौल और भी गर्म हो गया।  

बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए शिक्षा, संस्कार और आत्मविश्वास जरूरी : उप मुख्यमंत्री शुक्ल

भोपाल उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा कि बच्चों को शिक्षित, संस्कारित बनाने के साथ ही उनमें आत्मविश्वास की भावना जागृत करने की जरूरत है जिससे यह बच्चे आगे चलकर देश को आर्थिक महाशक्ति तक पहुंचाने में अपनी भूमिका का निर्वहन कर सकें। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल रीवा के निजी विद्यालय के वार्षिकोत्सव कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि बच्चों द्वारा दी गई प्रस्तुतियाँ यह दर्शाती हैं कि उनमें कितनी प्रतिभा है। उन्होंने कहा कि यह बच्चे ऐसे समय के विद्यार्थी हैं जब देश काफी तेजी से आगे बढ़ रहा है। इन्हीं बच्चों को ही 2047 में जब भारत आजादी के 100 वर्ष पूरे करेगा तब विश्वगुरू बनकर देश का नेतृत्व करने में अपना योगदान देना होगा। उन्होंने कहा कि सांस्कृतिक कार्यक्रमों में बच्चों द्वारा दी गई प्रस्तुतियाँ उनके आत्मविश्वास को प्रदर्शित कर रहीं थीं। बच्चों को गढ़ने में अध्यापक की भूमिका महत्वपूर्ण होती है। बच्चों में दया, करूणा व परोपकार के भाव जागृत करें जिससे यही बच्चे समाज में अपना उत्कृष्ट स्थान बना सकें। उन्होंने बच्चों से आह्वान किया कि वह धैर्य रखकर अपने मंजिल की तरफ बढ़ें। कार्यक्रम में नगर निगम के अध्यक्ष श्री व्यंकटेश पाण्डेय सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि विद्यालय के अध्यापक, विद्यार्थी तथा उनके परिजन उपस्थित रहे।  

120 चिकित्सकों-वैद्यों ने 400 से अधिक मरीजों को दिया निःशुल्क परामर्श

भोपाल  अंतर्राष्ट्रीय वन मेले के पांचवें दिन रविवार को कॉन्फ्रेन्स हॉल में केता-विक्रेता सम्मेलन का आयोजन हुआ। सम्मेलन में प्रदेश की विभिन्न प्राथमिक वनोपज सहकारी समितियों के प्रबंधक, वन-धन केन्द्रों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया एवं उनके क्षेत्रों में संग्रहित लघु वनोपजों जैसे- आंवला, अमलतास फली, भृंगराज, पचांग, मुई आंवला, हर्रा कचरिया, भिलावा, गिलोय, बायबडंग, नागरमोथा, गोरखमुण्डी, हिंगोट, देवदाली, बेलगूदा, पलाश गोंद, कटसरैया इत्यादि की उपलब्धता की जानकारी दी गई। वन मेले में अब तक 1 करोड़ रूपये से अधिक के हर्बल औषधियों और वन उत्पादों की बिकी हो चुकी है। अंतर्राष्ट्रीय वन मेले में पांचवें दिन आयोजित क्रेता विक्रेता सम्मेलन में मध्यप्रदेश राज्य लघु वनोपज संघ की एमडी डॉ. समीता राजोरा ने बताया कि वनोपज सहकारी समितियों और वन-धन केन्द्रों के प्रतिनिधियों द्वारा दि गई जानकारी के आधार पर लघु वनोपज प्रसंस्करण केन्द्र उच्च गुणवत्ता की औषधियों के क्रय का अनुबंध किया जायेगा। सम्मेलन में मुख्य वन संरक्षक श्री अशोक कुमार, प्रबंधक लघु वनोपज संघ श्रीमती नेहा श्रीवास्तव एवं मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्रीमती गीतांजली जे. उपस्थित रहीं । अंतर्राष्ट्रीय वन मेले की लोकप्रियता अब चरम पर पहुंच गई है। राजधानी के साथ ही आस-पास के क्षेत्रों से आने वाले सैलानियों के लिये यह मेला और यहां उपलब्ध आयुर्वेदिक उत्पादों के प्रति रुझान स्पष्ट झलक रहा है। विंध्य हर्बल एम.एफ.पी. पार्क द्वारा निर्मित शहद, च्यवनप्राश, त्रिफला, अर्जुन चाय और अन्य स्वास्थ्यवर्धक औषधियों की अब तक 4 लाख रुपये से अधिक की बिक्री हो चुकी है। प्रदर्शनी की भव्यता एवं इनके द्वारा तैयार किये गये गुणवत्ता युक्त नवीन उत्पादों व उत्पादों की नवीन पैकिंग देखकर इन्हें खरीदने में आगंतुकों ने खासी रूचि दिखाई। रविवार को आयोजित निःशुल्क चिकित्सा शिवरों में जांच एवं उपचार के लिये आयुर्वेद चिकित्सकों एवं नाड़ी वैद्यों से परामर्श के लिये बड़ी संख्या में मरीज पहुंचे। मेला प्रबंधन द्वारा बुजुर्गों एवं चलने में असमर्थ व्यक्तियों के लिए व्हील चेयर एवं गोल्फ कार्ट की सुविधा उपलब्ध कराई गई, जिसकी सराहना की जा रही है। निःशुल्क चिकित्सा परामर्श के लिये स्थापित ओ.पी.डी. में 120 आयुर्वेदिक चिकित्सकों एवं नाड़ी वैद्यों ने 400 से अधिक मरीजों को निःशुल्क परामर्श देकर लाभान्वित किया। निःशुल्क ओ.पी.डी. आने वाले दिनों में भी मेला अवधि में जारी रहेगी। रविवार को वन मेले में शालेय विद्यार्थियों के एकल और समूह नृत्य प्रतियोगिता में 11 विद्यालयों के 117 विद्यार्थियों ने भाग लिया। दोपहर बाद सैलानियों न कठपुतली शो, पंजाबी भांगडा, ऑर्केस्ट्रा का आनन्द लिया और शाम 7.00 बजे से सुप्रसिद्ध प्ल बैंक सिंगर श्री नीरज श्रीधर, बॉम्बे वाइकिंग्स की मनोरंजन से भरपूर म्यूजिकल प्रस्तुति हुई। प्रतियोगिताओं में प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को लघु वनोपज संघ की एमडी डॉ. समीता राजोरा ने पुरस्कार प्रदान किये। सोमवार 22 दिसम्बर के कार्यक्रम अंतर्राष्ट्रीय वन मेले में पूर्वान्ह 10.30 से 3.00 बजे तक विद्यार्थियों की इन्स्ट्रुमेंटल म्यूजिक की प्रस्तुति और अपरान्ह 3.00 से 3.45 बजे तक लोकसंगीत की प्रस्तुति होगी। अपरान्ह 3.00 से 5.00 बजे तक आयुर्वेदिक चिकित्सकों, पारम्परिक वैद्यों और फील्ड अधिकारियों के साथ परिचर्चा आयोजित की जायेगी। अपरान्ह 4.30 से 6.30 बजे तक बायोडायवर्सिटी बोर्ड द्वारा नुक्कड़ नाटक प्रतियोगिता, चित्रांशु म्युजिक ऑर्केस्ट्रा और सायं 7.00 से 10.00 बजे तक विद्यार्थियों द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति दी जायेगी।  

एक कार ने रोक दी शुगर मिल की रफ्तार, गेट जाम होने से किसानों में मचा हड़कंप

नरसिंहपुर जिले के करेली स्थित करेली शुगर मिल में रविवार सुबह उस समय भारी अव्यवस्था और अफरा-तफरी का माहौल बन गया, जब फैक्ट्री के मुख्य गेट पर एक अज्ञात कार खड़ी होने के कारण पूरा आवागमन ठप हो गया। इस छोटी सी लापरवाही ने एक बड़े संकट का रूप ले लिया, जिससे मिल परिसर के अंदर सैकड़ों किसान और उनकी खाली ट्रैक्टर-ट्रॉलियां कैद होकर रह गईं। एक कार ने रोका सैकड़ों ट्रैक्टरों का रास्ता मिली जानकारी के अनुसार, देर रात कोई अज्ञात व्यक्ति अपनी कार मिल के ठीक मुख्य गेट के सामने खड़ी करके चला गया। सुबह जब तुलाई के बाद खाली ट्रैक्टरों ने बाहर निकलने की कोशिश की, तो रास्ता पूरी तरह बंद मिला। बताया जा रहा है कि कार का स्टीयरिंग लॉक होने के कारण उसे धक्का मारकर हटाना भी संभव नहीं हो सका। इसके कारण मिल के भीतर से बाहर आने वाली ट्रॉलियों की लंबी कतार लग गई और परिसर में 'डेडलॉक' की स्थिति बन गई।   किसानों का फूटा गुस्सा, तनावपूर्ण हुए हालात पिछले कई दिनों से तुलाई में हो रही देरी से जूझ रहे किसानों का धैर्य इस घटना के बाद जवाब दे गया। आक्रोशित किसानों ने मिल प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और गेट पर तनाव की स्थिति निर्मित हो गई। किसानों का कहना है कि वे कड़ाके की ठंड में घंटों अपनी बारी का इंतजार कर रहे हैं। शनिवार को भी मिल के बाहर लगभग 2 किलोमीटर लंबा जाम लगा था। मिल प्रबंधन की लचर सुरक्षा व्यवस्था के कारण कोई भी बाहरी व्यक्ति गेट पर वाहन खड़ा कर चला गया, जिसका खामियाजा किसानों को भुगतना पड़ रहा है। फैक्ट्री बंद होने की कगार पर मिल प्रबंधन मामले की गंभीरता को देखते हुए मिल के जर्नल मैनीजर अवस्थी ने चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि यदि मुख्य द्वार जल्द खाली नहीं कराया गया और ट्रॉलियों की निकासी शुरू नहीं हुई, तो गन्ने की आवक रुक जाएगी। ऐसी स्थिति में फैक्ट्री का संचालन बंद करना पड़ सकता है, जिससे मिल और किसान दोनों का बड़ा नुकसान होगा। प्रशासनिक हस्तक्षेप की मांग इस दौरान मिल परिसर में हंगामा भी वहां खड़े लोगों ने किया। स्थानीय पुलिस और प्रशासन को सूचना दी गई है ताकि क्रेन की मदद से उक्त कार को हटाया जा सके और यातायात बहाल हो सके। किसानों ने मांग की है कि मिल प्रबंधन सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करें ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा पैदा न हो।

योगी सरकार के बुंदेलखंड पर फोकस से आकार लेने लगी विकास की परियोजनाएं

गरौठा सोलर पार्क के लिए जमीन अधिग्रहण का काम पूरा, ग्रिड सब स्टेशन की स्थापना का चल रहा काम झांसी योगी सरकार की बुंदेलखंड को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने की कवायदों का असर जमीनी रूप से दिखाई देने लगा है। साल 2025 में कई बड़ी परियोजनाओं ने गति पकड़ी और उन पर काम की गति ने तेजी पकड़ी। इन कवायदों से बुंदेलखंड में बदलाव की बयार साफ तौर पर महसूस की जा रही है। डिफेंस कॉरिडोर, गरौठा सोलर पार्क, मुख्यमंत्री शहरी विस्तारीकरण योजना न्यू झांसी फेज 1, जालौन-झांसी लिंक एक्सप्रेस वे, झांसी के रिसाला चुंगी से ओरछा तक की सड़क को फोर लेन के काम समेत कई महत्वपूर्ण कार्यों की ओर सरकार ने कदम आगे बढ़ाए। डिफेंस कॉरिडोर ने पकड़ी तेजी झांसी के गरौठा क्षेत्र में विकसित हो रहे डिफेंस कॉरिडोर के लिए ग्राम पंचायत झबरा के निकट गुरसराय-एरच रोड पर 132/33 केवी का बिजली सब स्टेशन बनकर तैयार हो गया है। इससे एक ओर जहां डिफेंस कॉरिडोर के लिए बिजली की सप्लाई हो सकेगी तो दूसरी ओर जुझारपुरा की पेयजल परियोजना और आसपास के कई उपकेंद्रों तक भी यहां से बिजली पहुंचाई जा सकेगी। इस नवनिर्मित 132/33 केवी बिजली सब स्टेशन से डिफेंस कॉरिडोर के काम में भी तेजी आएगी। डिफेंस कॉरिडोर के झांसी नोड में बीडीएल की यूनिट की स्थापना का कार्य शुरू हो चुका है। इस वर्ष डब्लूबी इलेक्ट्रॉनिक ने भी डिफेंस कॉरिडोर में यूनिट की स्थापना का काम शुरू कर दिया है। यहां 14 इकाइयों को जमीनें आवंटित की गई हैं। डिफेंस कॉरिडोर के लिए 6 गांव एरच, गेंदा कबूला, कठरी, लभेरा, इसकिल और झबरा की 1034 हेक्टेयर जमीन पर डिफेंस कॉरिडोर विकसित किया जा रहा है। गरौठा में सोलर पार्क के काम ने पकड़ी रफ्तार बुन्देलखण्ड क्षेत्र को सोलर पावर के हब के रूप में विकसित करने के योगी सरकार के प्रयास ने 2025 में तेज गति पकड़ी। झांसी जिले के गरौठा तहसील क्षेत्र में बन रहे 600 मेगावाट के सोलर पॉवर पार्क के लिए सोलर पावर डेवलपर का चयन कर लिया गया है। पार्क के लिए जमीन से जुड़े लीज एग्रीमेंट का लगभग 99 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। लगभग 2700 एकड़ क्षेत्रफल में पार्क का निर्माण होना है और 2650 एकड़ से अधिक जमीन का अधिग्रहण किया जा चुका है। लगभग 2000 से अधिक किसानों से जमीन ली गयी है। जमीन का कुछ हिस्सा सरकारी है। यह सोलर पार्क परियोजना क्षेत्र के 8 गांव सुजानपुरा, जलालपुरा, जसवंतपुरा, नदौरा, बरारु, पुरा, खदौरा और मोती कटरा में फैली है। टुस्को लिमिटेड को गरौठा सोलर पार्क की स्थापना का काम दिया गया है। पार्क के निर्माण में जुटी कम्पनी के अफसरों के अनुसार सिविल इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़े काम पूरे किए जा रहे हैं। सोलर पार्क के साथ ही 220/400 केवी ग्रिड सब स्टेशन की स्थापना का काम तेज गति से चल रहा है। उत्तर प्रदेश पॉवर ट्रांसमिशन कार्पोरेशन लिमिटेड को यहां ग्रिड सब स्टेशन की स्थापना का काम दिया गया है।  यहां इंटरनल पावर एवाक्यूएशन सिस्टम के अंतर्गत दो पुलिंग सब स्टेशन की स्थापना का काम पॉवर ग्रिड कार्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड द्वारा किया जा रहा है। कई अन्य परियोजनाओं पर भी चल रहा काम झांसी के रक्सा क्षेत्र में बुंदेलखंड इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट अथॉरिटी के लिए जमीन अधिग्रहण का काम तेज गति से चल रहा है। बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे से बुंदेलखंड इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट अथॉरिटी की कनेक्टिविटी बढ़ाने के मकसद से योगी सरकार ने जालौन से झांसी के लिए 115 किलोमीटर लंबे लिंक एक्सप्रेस वे को मंजूरी दी है। झांसी विकास प्राधिकरण ने मुख्यमंत्री शहरी विस्तारीकरण योजना न्यू झांसी फेज 1 की हुई शुरुआत की और भूखंडों के आवंटन की प्रक्रिया पूरी की। झांसी से ओरछा के बीच की सड़क को टू लेन से फोर लेन करने के लोक निर्माण विभाग के प्रस्ताव को मंजूरी मिली। इसी साल अक्टूबर महीने में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने झांसी के पॉलीटेक्निक कॉलेज के निकट बनकर तैयार हुए अत्याधुनिक कन्वेंशन सेंटर का लोकार्पण किया। कई अन्य योजनाओं और परियोजनाओं ने भी साल 2025 में तेज गति से रफ्तार पकड़ी और जमीन पर आकार लेते दिखाई दिए।

स्व. अटलजी के विराट व्यक्तित्व, उच्च आदर्शों एवं दूरदर्शी नेतृत्व से मिलती है प्रेरणा : राज्यपाल मंगुभाई पटेल

स्व. अटल बिहारी वाजपेयी राष्ट्रनीति के शिखर पुरुष, राजनीति के अजातशत्रु और भारतीय लोकतंत्र की मर्यादा के प्रतीक : मुख्यमंत्री डॉ. यादव उपराष्ट्रपति, राज्यपाल एवं मुख्यमंत्री ने चार विद्वानों को ‘अटल अलंकरण’ से किया सम्मानित भोपाल उपराष्ट्रपति श्री सी.पी. राधाकृष्णन ने कहा है कि स्व. श्री अटलजी केवल एक व्यक्ति नहीं, बल्कि एक विचार और मिशन थे। उनके कर्म, आदर्श और सुशासन की दृष्टि आने वाली पीढ़ियों के लिए मार्गदर्शक प्रकाश हैं। वे रविवार को इंदौर में आयोजित भारत रत्न स्व. श्री अटल बिहारी वाजपेयी जन्म शताब्दी समारोह को संबोधित कर रहे थे। समारोह में राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कहा कि स्व. श्री अटल जी का जीवन ऐसे ग्रंथ की भाँति था, जिसका प्रत्येक पृष्ठ नैतिकता, उत्कृष्टता और राष्ट्रधर्म की राह दिखाता है। स्व. श्री अटल जी केवल राजनेता नहीं थे, बल्कि वे कवि, चिंतक, अद्भुत नेतृत्व गुणों से संपन्न, विनम्र, संवेदनशील और स्वाभिमानी राष्ट्रभक्त थे। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अपने संबोधन में कहा कि स्व. श्री अटलजी का जीवन विचारों की दृढ़ता, राष्ट्रधर्म और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति अटूट समर्पण का अनुपम उदाहरण है। उनका व्यक्तित्व ऐसा था जिसने हर काल और हर युग में भारतीय राजनीति को दिशा दी। उनकी राजनीतिक यात्रा भारतीय लोकतंत्र की प्रेरक गाथा है। देश के पूर्व प्रधानमंत्री स्व. श्री अटल बिहारी वाजपेयी की 100वीं जन्म जयंती वर्ष के अवसर पर इंदौर में ‘शून्य से शतक’ कार्यक्रम का गरिमामय रूप से आयोजन किया गया। इस गरिमामय समारोह में देश के उपराष्ट्रपति श्री सी.पी. राधाकृष्णन, राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल तथा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने चार प्रतिष्ठित विद्वानों को ‘अटल अलंकरण’ से अलंकृत किया। उपराष्ट्रपति श्री सी.पी. राधाकृष्णन ने कहा कि मां अहिल्या की पावन धरती पर आकर उन्हें विशेष प्रसन्नता है। उन्होंने अटल फाउंडेशन के मंच से स्व. श्री अटल जी के जीवन, व्यक्तित्व और राष्ट्र निर्माण में योगदान को स्मरण किया। उन्होंने कहा कि स्व. श्री अटल जी संवाद, समावेशी विकास और मानवीय सुशासन में विश्वास रखते थे। सांसद, कवि और प्रधानमंत्री—हर भूमिका में उन्होंने सार्वजनिक विमर्श को गरिमा दी और सिद्ध किया कि राजनीति सिद्धांतनिष्ठ और करुणामय हो सकती है। उन्होंने अटल सरकार की प्रमुख उपलब्धियों प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना, स्वर्णिम चतुर्भुज परियोजना, दिल्ली मेट्रो, नए राज्यों का गठन (झारखंड, छत्तीसगढ़, उत्तराखंड) तथा पोखरण परमाणु परीक्षण का उल्लेख करते हुए कहा कि इन पहलों ने आधुनिक भारत की नींव मजबूत की। उपराष्ट्रपति श्री राधाकृष्णन ने कहा कि स्व. श्री अटल जी की विरासत को प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी आगे बढ़ा रहे हैं और देश को विकसित भारत–2047 के लक्ष्य की ओर दृढ़ता से अग्रसर कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि स्व. श्री अटल जी भले हमारे बीच शारीरिक रूप से न हों, लेकिन उनके आदर्श सदैव हमारे हृदयों में जीवित रहेंगे और राष्ट्र को दिशा देते रहेंगे। राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल का प्रेरक संबोधन राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने अटल जन्म शताब्दी समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि आज भारत रत्न स्व. श्री अटल बिहारी वाजपेयी जी की जन्म शताब्दी के पावन अवसर पर विचार अभिव्यक्त करने का अवसर मिलना उनके लिए गर्व और हर्ष का विषय है। उन्होंने कहा कि स्व. श्री अटल जी की जन्म शताब्दी केवल पुण्य स्मरण का प्रसंग नहीं, बल्कि उनके विराट व्यक्तित्व, उच्च आदर्शों और दूरदर्शी नेतृत्व से प्रेरणा प्राप्त करने का पावन क्षण है। उन्होंने स्वयं को भाग्यशाली बताते हुए कहा कि उन्हें स्व. श्री अटल जी के सानिध्य में कार्य करने का अवसर मिला, जहाँ उनके महान आभामंडल में रहकर उन्हें करीब से देखने, समझने और उनसे प्रेरित होने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि स्व. श्री अटल जी के व्यक्तित्व और कृतित्व को कुछ शब्दों में समेटना संभव नहीं है, वे एक विराट व्यक्तित्व और एक चलता-फिरता महाकाव्य थे। उनकी वाणी में ओज था, जो जनमानस में ऊर्जा और राष्ट्रभाव का संचार करती थी। वे असंख्य कार्यकर्ताओं के लिए प्रकाश-पुंज थे। उनका जीवन ऐसे ग्रंथ की भाँति था, जिसका प्रत्येक पृष्ठ नैतिकता, उत्कृष्टता और राष्ट्रधर्म की राह दिखाता है। स्व. श्री अटल जी केवल राजनेता नहीं थे, बल्कि वे कवि, चिंतक, अद्भुत नेतृत्व गुणों से संपन्न, विनम्र, संवेदनशील और स्वाभिमानी राष्ट्रभक्त थे। प्रधानमंत्री के रूप में उन्होंने गठबंधन राजनीति के दौर में भी संवाद, समन्वय और समानता के उच्च आदर्श प्रस्तुत किए, जो भारतीय लोकतंत्र के इतिहास में मील का पत्थर हैं। राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि यदि हम स्व. श्री अटल जी के जीवन से प्रेरणा लेकर अपने जीवन में देश और समाज के लिए योगदान कर सकें, तो वही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।  युगपुरूष थे अटल जी : मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भारत के पूर्व प्रधानमंत्री श्री अटल बिहारी वाजपेयी की जन्म शताब्दी के अवसर पर इंदौर में अटल फाउंडेशन द्वारा आयोजित कार्यक्रम में कहा कि अटल जी ऐसे व्यक्तित्व रहे, जिन्होंने जीवन के प्रत्येक क्षण में देश को गौरवान्वित करने के कार्य किये। भारतीय राजनीति में अटल जी एक युगपुरुष के समान रहे हैं। प्रधानमंत्री रहते हुए देश को परमाणु शक्ति सम्पन्न राष्ट्र बनाने की उनकी दूरदृष्टि अद्वितीय रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि अटल जी ने भारतमाता और लोकतंत्र को गौरवान्वित किया। पहली बार संयुक्तराष्ट्र संघ में हिंदी में संबोधन देकर देश की इच्छाशक्ति और भाषा तक को नायाब बनाया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि स्व. अटल जी ने नेता प्रतिपक्ष की पवित्र भूमिका निभाई। 50 वर्ष तक इस भूमिका में रहे है। आपातकाल में भी बिना संकोच के साहित्य के माध्यम से देश में शुचिता और स्वाभिमान का भाव जागृत करने में भूमिका निभाई। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राजनीति के शिखर पुरूष, राजनीति के अजातशत्रु और विचारों की दृढ़ता रखते हुए वे भारतीय मर्यादा के प्रतीक बने। भारत रत्न श्री अटल वाजपेयी जी को हमारे बीच के कई लोगों ने देखा भी है। वास्तव में वे एक ऐसा व्यक्तित्व थे, जिसने अपने जीवन के प्रत्येक क्षण में अपनी हर एक जगह महत्ता स्थापित की। प्रारंभ में अटल जी की संघ के एक प्रचारक के रूप में पहचान बनी थी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भारत माता के चरणों में सतत नमन करने वाले, अपने जीवन को न्यौछावर करने वाले अटल जी ने पत्रकार के रूप में भी पहचान बनाई। … Read more

मान सरकार का बड़ा फैसला: 1,568 एएनएम व स्टाफ नर्स पदों पर भर्ती से स्वास्थ्य ढांचा होगा सशक्त

चंडीगढ़ प्रदेश के स्वास्थ्य देखभाल ढांचे को मजबूत एवं बेहतर बनाने के उद्देश्य से महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए पंजाब के वित्त मंत्री एडवोकेट हरपाल सिंह चीमा ने घोषणा की कि वित्त विभाग ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एन.एच.एम.) के अंतर्गत ए.एन.एम. एवं स्टाफ नर्सों के 1,568 रिक्त पदों को भरने के लिए स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। भर्ती अभियान के बारे में अधिक जानकारी देते हुए वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने बताया कि इस मंजूरी के तहत ए.एन.एम. के कुल 2,000 स्वीकृत पदों में से 729 रिक्त पदों एवं स्टाफ नर्सों की 1896 स्वीकृत पदों में से 839 रिक्त पदों को भरा जाएगा।  उन्होंने जोर देते हुए कहा कि प्रदेश सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि स्टाफ की कमी के कारण स्वास्थ्य देखभाल सेवाओं में कोई रुकावट न आए और इसलिए इन ठेका-आधारित पदों को भरने को प्राथमिकता दी गई है। इस पहल के प्रति मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व वाली सरकार की वित्तीय प्रतिबद्धता का जिक्र करते हुए वित्त मंत्री चीमा ने कहा कि इन भर्तियों से वार्षिक कुल 48.88 करोड़ रुपये का वित्तीय प्रभाव पड़ने का अनुमान है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ए.एन.एम. पदों के लिए वार्षिक 18.98 करोड़ रुपये एवं स्टाफ नर्स के लिए 29.90 करोड़ रुपये का खर्च वहन करेगी। उन्होंने बताया कि स्वीकृत वेतन संरचना के तहत ए.एन.एम. के लिए 21,700 रुपये एवं स्टाफ नर्सों के लिए 29,700 रुपये प्रति माह वेतन निर्धारित किया गया है। वित्त मंत्री चीमा ने आगे बताया कि योग्यता एवं पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए भर्ती प्रक्रिया बाबा फरीद यूनिवर्सिटी ऑफ हेल्थ साइंसेज, फरीदकोट द्वारा लिखित परीक्षा के माध्यम से करवाई जाने का प्रस्ताव है। उन्होंने आगे कहा कि वित्त विभाग ने यह मंजूरी इस शर्त पर दी है कि स्वास्थ्य विभाग इन नियुक्तियों के बारे में पर्सनल विभाग से आवश्यक सहमति सुनिश्चित करे। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार की स्वास्थ्य देखभाल एवं शिक्षा को प्राथमिकता देने की दृढ़ प्रतिबद्धता को उजागर करते हुए वित्त मंत्री एडवोकेट हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि इस फैसले से प्रदेश सरकार अपने स्वास्थ्य देखभाल कार्यबल को मजबूत करेगी ताकि पंजाब के लोगों के लिए और बेहतर एवं मानक स्वास्थ्य देखभाल सेवाएं उपलब्ध करवाई जा सकें। उन्होंने कहा कि इन रिक्त पदों को भरने से निस्संदेह राज्य की प्रभावी एवं कुशल स्वास्थ्य देखभाल सुविधाएं प्रदान करने की क्षमता में वृद्धि होगी, जो वर्तमान प्रदेश सरकार की अपने नागरिकों की भलाई के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है।