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2025 में झारखंड पुलिस का अभियान: नक्सल और साइबर अपराध पर मजबूत कार्रवाई

रांची झारखंड पुलिस ने वर्ष 2025 के जनवरी से सितंबर माह तक नक्सल विरोधी अभियानों और साइबर अपराध नियंत्रण में जबरदस्त सफलता हासिल की है। आईजी अभियान माइकल राज एस ने पुलिस मुख्यालय में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में बताया कि नक्सल विरोधी अभियान में कुल 157 हथियार बरामद हुए हैं। इनमें 58 हथियार पुलिस से लूटे गए थे जिसे बरामद करने में कामयाबी मिली है। आईजी ने कहा कि जनवरी से सितंबर तक नक्सलियों के कब्जे से 11,950 गोलियां, 18,884 डेटोनेटर, 394.5 किलोग्राम विस्फोटक और 39.53 लाख रुपए की लेवी राशि जब्त की गई है। इसके अलावा नक्सलियों द्वारा लगाए गए 228 आईईडी विस्फोटकों को नष्ट किया गया और 37 नक्सली बंकर ध्वस्त किए गए। इस अभियान में कुल 266 नक्सलियों को गिरफ्तार किया गया। पुलिस-नक्सली मुठभेड़ों में 32 नक्सली मारे गए, जिनमें दो सेंट्रल कमिटी के बड़े सदस्य विवेक उर्फ प्रयाग मांझी और अनुज उर्फ सहदेव सोरेन शामिल है। इन पर एक करोड़ रुपये का इनाम भी था। साथ ही 10 लाख के इनामी जोनल कमांडर साहेब राम मांझी उर्फ राहुल भी मुठभेड़ में मारा गया। माइकल ने साइबर अपराध के मामलों में भी बड़ी कार्रवाई का ब्यौरा दिया। अगस्त और सितंबर के बीच साइबर अपराध के 128 मामलों में 105 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया। इनके पास से 139 मोबाइल फोन, 166 सिम काडर्, 60 एटीएम कार्ड और 2.81 लाख रुपए नकद बरामद हुए। माइकल ने बताया कि साल 2025 के पहले 9 महीनों में कुल 12,651 वारंट निष्पादित किए गए और 4,186 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया। इस दौरान 413 वाहनों, 136 हथियारों और 1221 गोलियों को भी जब्त किया गया। अमन साहू गिरोह के सक्रिय अपराधी सुनिल कुमार उफर् मयंक सिंह को अजरबैजान से भारत प्रत्यर्पित कर लाया गया, जिससे पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। इसके अलावा रांची में कट्टरपंथी संगठनों से जुड़े एक व्यक्ति को गिरफ्तार कर अवैध हथियार व रसायन जब्त किए गए। रामगढ़ डकैती मामले में चार आरोपियों को चार अवैध हथियारों के साथ पकड़ा गया। खूंटी में 838.33 किलोग्राम डोडा जब्त किया गया। वहीं, रांची में जाली नोट के कारोबार में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया जिनके पास 3.25 लाख रुपये के जाली नोट पाए गए। आईजी अभियान माईकल राज एस ने जनता से सहयोग की अपील की और आश्वस्त किया कि पुलिस अपराधियों के खिलाफ कड़ी कारर्वाई करने में पीछे नहीं हटेगी।  

राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने दी दीपावली की शुभकामनाएं और सौगात

भोपाल  राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कहा है कि अपने कार्यों से दूसरों की जिंदगी को बेहतर बनाने में ही कार्य की सफलता है। उन्होंने सफाई मित्रों का दृष्टांत देते हुए कहा कि वह सुबह सवेरे सबसे पहले उठकर हमारे आस-पास का वातावरण स्वच्छ बनाते है ताकि हम सबको दिनभर स्वच्छ और सुखद वातावरण मिले। राज्यपाल श्री पटेल बुधवार को राजभवन के सांदीपनि सभागार में आयोजित दीपावली शुभकामना समारोह को संबोधित कर रहे थे। राज्यपाल ने समारोह में भोपाल, पचमढ़ी राजभवन के सभी अधिकारी-कर्मचारियों के साथ राजभवन में स्थित डाक घर, बैंक एवं अन्य संस्थाओं के प्रतिनिधियों को उपहार भेंट किये। कार्यक्रम में राज्यपाल के प्रमुख सचिव डॉ. नवनीत मोहन कोठारी, राज्यपाल के अपर सचिव श्री उमाशंकर भार्गव भी मंचासीन थे। राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कहा कि मानव का जीवन एक बार ही मिलता है। कर्मों का फल इसी जीवन में मिलता है। प्रकृति से अच्छी और बुरी दोनों वृत्तियां मानव को मिलती है। उन्होंने कहा कि जीवन में स्थायी आनंद और सच्चा सुख संतोष मेहनत और योग्यता से ही मिलता है। व्यक्ति के नसीब में जो है वह उसको मिलता ही है। दूसरों की उन्नति से ईष्या के भाव से जीवन के सारे सुख और संतोष का आनंद खत्म हो जाता है इसलिए व्यक्ति को स्वयं ही अपनी गलत प्रवृत्तियों को नियंत्रित करना चाहिए। उन्होंने कहा कि अक्टूबर का महीना उत्सवों का और आत्म शुद्धि का प्रसंग है। पहले नवरात्र उसके बाद विजयादशमी का पर्व हमें अपने अंदर के दुर्गणों का अंत करने का अवसर देता है। दीपावली का पर्व भी नये उत्साह और ऊर्जा के साथ जीवन के नव आरम्भ का प्रसंग है। यह दूसरों की गलतियों और कमियों को भूलकर प्रेम और पारस्परिक सदभाव को बढ़ाने का अवसर है। उन्होंने सभी को दीपावली की बधाई और सुखमय जीवन की शुभकामनाएं दी। ईश्वर से प्रार्थना की है कि हर दिन सबके जीवन में खुशिया लाएं। कार्यक्रम का संचालन नियंत्रक हाउस होल्ड शिल्पी दिवाकर ने किया।

विक्की कौशल ने इशारों-इशारों में किया खुलासा, कैटरीना बनने वाली हैं मां

मुंबई, बॉलीवुड कपल कैटरीना कैफ और विक्की कौशल जल्द ही अपने जीवन के सबसे खूबसूरत अध्याय की शुरुआत करने वाले हैं। अभिनेत्री का मां बनने का वक्त नजदीक है और अब खुद विक्की कौशल ने इस खुशखबरी का इशारा देकर फैंस की उत्सुकता को और बढ़ा दिया है। मुंबई में आयोजित एक इवेंट के दौरान विक्की कौशल ने पहली बार पिता बनने को लेकर अपनी भावनाएं शेयर कीं। जब उनसे पूछा गया कि वह पिता बनने की किस बात का सबसे ज्यादा इंतजार कर रहे हैं, तो मुस्कुराते हुए अभिनेता ने कहा, बस पिता बनने का ही। उनके चेहरे की चमक और मुस्कान ने साफ कर दिया कि वह इस पल का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। विक्की ने आगे कहा, ये हमारी जिंदगी का सबसे बड़ा आशीर्वाद है। मैं बेहद उत्साहित हूं। उन्होंने यह भी जोड़ा, अब तो वक्त करीब है… बस उंगलियां क्रॉस की हैं। अभिनेता ने हंसते हुए कहा, मुझे लग रहा है कि अब तो मैं घर से बाहर निकलने वाला ही नहीं हूं। उनके इन बयानों से यह साफ है कि कौशल परिवार में जल्द ही नन्हे मेहमान की किलकारी गूंजने वाली है। सोशल मीडिया पर फैंस इस खबर को लेकर बेहद खुश हैं और कपल को शुभकामनाएं दे रहे हैं। कैटरीना कैफ और विक्की कौशल ने दिसंबर 2021 में राजस्थान में शाही अंदाज में शादी रचाई थी। तब से दोनों बॉलीवुड के सबसे प्यारे जोड़ों में गिने जाते हैं और अब उनके जीवन में एक नई शुरुआत की घड़ी करीब आ चुकी है।  

JMM केंद्रीय समिति का बड़ा फैसला: दिवंगत रामदास सोरेन के पुत्र होंगे घाटशिला उम्मीदवार

घाटशिला घाटशिला से दिवंगत मंत्री और घाटशिला के पूर्व विधायक रामदास सोरेन के पुत्र सोमेश सोरेन चुनाव लड़ेंगे। झामुमो ने इसकी घोषणा कर दी है। घाटशिला विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव के लिए झामुमो ने सोमेश सोरेन पर भरोसा जताया है। पार्टी की केंद्रीय समिति की बैठक में सर्वसम्मति से सोमेश सोरेन को उम्मीदवार बनाए जाने का फैसला लिया गया। केंद्रीय समिति की बैठक में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की मौजूदगी में यह निर्णय लिया गया। पार्टी का मानना है कि सोमेश अपने पिता की राजनीतिक विरासत को आगे बढ़ाने में सक्षम हैं और स्थानीय जनता के बीच उनकी मजबूत पकड़ है। मालूम हो कि शिक्षा मंत्री रामदास सोरेन के निधन के बाद घाटशिला विधानसभा सीट खाली हुई है। वहीं, भाजपा से पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन के बेटे बाबूलाल सोरेन चुनाव लड़ेंगे। घाटशिला विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव के लिए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने एक बार फिर बाबूलाल सोरेन पर भरोसा जताया है। बाबूलाल सोरेन ने 2024 का विधानसभा चुनाव भी लड़ा था जिसमें वह दिवंगत शिक्षा मंत्री रामदास सोरेन से पराजित हो गये थे।

मिठास के बीच हड़कंप: CM ने चरखी दादरी की दुकान पर किया अचानक निरीक्षण

चरखी दादरी  दीपावली जैसे बड़े त्योहार पर मिलावटी मिठाइयों की बिक्री पर लगाम लगाने के लिए मुख्यमंत्री उड़नदस्ता रोहतक और जिला खाद्य एवं आपूर्ति विभाग की टीम ने दादरी में मिठाइयों की दुकानों पर छापामार कार्रवाई की। इस दौरान टीम द्वारा मिठाइयों के सैंपल कब्जे में लिए और जांच के आधार पर कार्रवाई की बात कही। सीएम फ्लाइंग टीम रोहतक के अलावा खाद्य आपूर्ति निरीक्षक डॉ. पुनीत कुमार व गुप्तचर शाखा की टीम ने दादरी शहर और एक गांव में स्थित दुकानों पर छापेमारी कार्रवाई की। खाद्य आपूर्ति निरीक्षक डॉ. पुनीत कुमार ने बताया कि टीम द्वारा खोया, पनीर, मिल्क केक, गुलाब जामुन, घी और क्रीम सहित मिठाइयों के कई सैंपल लिए, जिन्हें मौके पर ही सील कर जांच के लिए लैब भेजा गया। सैंपलों की जांच रिपोर्ट आने के बाद दोषी पाए जाने पर संबंधित पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।  उन्होंने बताया कि त्योहारों पर अधिक मुनाफा कमाने के लिए कुछ दुकानदार मिलावटी या बासी मिठाइयों का उपयोग करते हैं। इनसे लोगों की सेहत को खतरा हो सकता है। कई बार एक महीने पहले से मिठाइयों का भंडारण कर लिया जाता है, जो स्वास्थ्य के लिए हानिकारक होता है। उन्होंने कहा कि विभाग का यह अभियान लगातार जारी रहेगा और ऐसे दुकानदारों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। 

नीतीश का सीधा वार चिराग पर, JDU की पहली लिस्ट में उठा सियासी खेल; NDA में खलबली?

पटना बिहार की राजनीति में आज नई हलचल देखी गई जब नीतीश कुमार की जनता दल (यूनाइटेड) ने विधानसभा चुनाव 2025 के लिए पहली 57 उम्मीदवारों की सूची जारी की। इस सूची ने चिराग पासवान की लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के कुछ प्रमुख दावों पर सीधे चुनौती दी, जिससे गठबंधन के भीतर तनाव और नाराजगी की स्थिति बन सकती है। चिराग पासवान के लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के पांच प्रमुख दावों वाली सीटों – मोरवा, सोनबरसा, राजगीर, गायघाट और मटिहानी पर जेडीयू ने अपने उम्मीदवार उतारे हैं। ऐसा बताया जा रहा था कि ये सीटें पहले चिराग की झोली में जाने वाली थीं। एनडीए में बढ़ेगा तनाव? पिछले चुनावों के आंकड़े बताते हैं कि मोरवा और गायघाट पर 2020 में आरजेडी का दबदबा था, राजगीर और सोनबरसा पर जेडीयू जीता था, जबकि मटिहानी पिछली बार लोक जनशक्ति पार्टी ने जीती थी, लेकिन विजयी राजकुमार सिंह बाद में जेडीयू में शामिल हो गए थे। इस ऐतिहासिक पृष्ठभूमि के चलते इन सीटों पर सियासी निगाहें खास हैं और उम्मीदवारों की हर चाल का चुनावी मायने बढ़ गया है। इन सीटों पर जेडीयू का उम्मीदवार उतारना गठबंधन में संतुलन बदल सकता है और चिराग समर्थक ताकतों के साथ टकराव के अवसर बढ़ा सकता है जिससे एनडीए की मौजूदा स्थिति जटिल हो सकती है। जेडीयू की लिस्ट में 3 बाहुबली भी शामिल जेडीयू के उम्मीदवारों की सूची में तीन बाहुबली और कई अनुभवी नेता शामिल हैं। विशेष रूप से, मौजूदा सरकार के पांच कैबिनेट मंत्री अपने-अपने क्षेत्रों से फिर मैदान में उतारे गए हैं। इसमें ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार (नालंदा), जल संसाधन मंत्री विजय कुमार चौधरी (सरायरंजन), सूचना व जनसंपर्क मंत्री महेश्वर हजारी (कल्याणपुर), समाज कल्याण मंत्री मदन साहनी (बहादुरपुर) और मद्य निषेध मंत्री रत्नेश सदा (सोनबरसा) शामिल हैं। जेडीयू ने 30 नए चेहरों को उतारा गौरतलब है कि जेडीयू की पहली सूची में 30 नए चेहरे और 27 पुराने प्रत्याशी शामिल हैं। चार महिला उम्मीदवारों को भी मैदान में उतारा गया है, जिनमें मधेपुरा से कविता साहा, गायघाट से कोमल सिंह, समस्तीपुर से अश्वमेध देवी और विभूतिपुर से रवीना कुशवाहा का नाम शामिल है।  

म्यूजियम में दिखेगी त्रेता युग की जीवंत झलक, योगी करेंगे दीपोत्सव में उद्घाटन

-एक बार 100 लोग एक साथ कर सकेंगे प्रवेश, बना है पूरी तरह वातानुकूलित -काशीराम कालोनी के सामने बना यह म्यूजियम भक्तों के लिए आस्था का नया केंद्र बनेगा अयोध्या मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राम जन्मभूमि के प्रांगण में भव्य राम मंदिर के निर्माण के बाद अब अयोध्या धाम एक और ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल करने जा रहा है। यहां त्रेता युग की पुनर्रचना करते हुए दुनिया का पहला रामायण वैक्स म्यूजियम बनकर तैयार हो चुका है। चौदह कोसी परिक्रमा मार्ग स्थित काशीराम कालोनी के सामने बना यह म्यूजियम न केवल भक्तों के लिए आस्था का नया केंद्र बनेगा, बल्कि पर्यटकों के लिए भी वैश्विक स्तर का आकर्षण साबित होगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नौवें दीपोत्सव समारोह में इसका लोकार्पण होने की प्रबल संभावना है। दीपोत्सव की भव्यता के बीच सीएम योगी जनता को यह अनमोल उपहार समर्पित करेंगे। 9850 वर्ग फीट क्षेत्र में फैले इस पूर्णतः एयर कंडीशंड म्यूजियम को बनाने में 6 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं। यहां श्री राम समेत 50 प्रमुख पात्रों की जीवंत वैक्स प्रतिमाएं प्रदर्शित होंगी, जो रामायण की पूरी कथा को जीवंत कर देंगी। म्यूजियम में एक साथ 100 लोगों को प्रवेश की अनुमति होगी। जैसे ही दर्शक अंदर कदम रखेंगे, त्रेता युग की महक और राम धुन की मधुर ध्वनि से भर जाएगा पूरा वातावरण। हर कोने में लगी स्पीकर से निरंतर 'राम तारक मंत्र' और भक्ति भजनों की धुन बजेगी, जो मन को शांति और भक्ति से भर देगी। साउथ इंडियन वास्तु शैली पर हुआ है निर्माण, दोनों तल करेंगे आकर्षक म्यूजियम का निर्माण साउथ इंडियन वास्तु शैली में किया गया है, जो दक्षिण भारत की पारंपरिक स्थापत्य कला का सुंदर संगम दर्शाता है। दो मंजिला इस भवन में ग्राउंड फ्लोर पर रामलला के बाल रूप से लेकर सीता स्वयंवर तक की घटनाएं चित्रित हैं, जबकि फर्स्ट फ्लोर पर वनवास, लंका दहन और राम-रावण युद्ध की भव्य झलक मिलेगी। हर वैक्स मॉडल की अलग-अलग लाइटिंग की गई है, जो पात्रों को जीवंत बना देती है। दर्शक भगवान राम की मूर्ति के कपड़े, बाल और मुस्कान को छूकर हकीकत महसूस करेंगे। प्रवेश द्वार पर सबसे पहले भगवान गणेश की भव्य प्रतिमा के दर्शन होंगे, जो विघ्नहर्ता के रूप में यात्रा की शुरुआत का संकेत देगी। इसके बाद रामलला के बाल रूप की वैक्स मूर्ति के साथ सेल्फी लेने की विशेष व्यवस्था है। बच्चे-बूढ़े सभी यहां आकर बालक राम के साथ फोटो खिंचवाकर यादगार पल संजो सकेंगे।  आय का 12 फीसदी नगर निगम को जाएगा म्यूजियम में सुरक्षा के पूर्ण इंतजाम हैं। चार इमरजेंसी गेट्स से जुड़ा फायर सिस्टम लगा है, जो किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई सुनिश्चित करेगा। यह प्रोजेक्ट नगर निगम के सहयोग से चलेगा। नगर आयुक्त जयेंद्र कुमार ने बताया कि म्यूजियम की आय का 12 प्रतिशत सीधे नगर निगम को जाएगा, जो अयोध्या के विकास में योगदान देगा। जानिए म्यूजियम में और क्या हैं इंतजाम इस वैश्विक स्तर के म्यूजियम का निर्माण केरल की प्रसिद्ध सुनील वैक्स म्यूजियम कंपनी ने किया है। कंपनी के प्रमुख सुनील ने बताया, "हमने पहले महाराष्ट्र के लोनावाला में और केरल के तिरुवनंतपुरम में सेलिब्रिटी वैक्स म्यूजियम बनाए हैं। लेकिन अयोध्या का यह रामायण म्यूजियम अनोखा है। यहां हमने रामायण के 50 पात्रों को इतनी बारीकी से गढ़ा है कि दर्शक खुद को त्रेता युग में महसूस करेंगे। सुनील ने खुलासा किया कि म्यूजियम के बाहर पार्किंग की व्यवस्था के अलावा स्टूडियो कॉफी हाउस, स्नैक्स जोन और इंटरटेनमेंट एरिया भी तैयार हो रहा है। पर्यटक न केवल वैक्स म्यूजियम का लुत्फ उठाएंगे, बल्कि स्नैक्स में साउथ इंडियन और उत्तर भारतीय व्यंजनों का मिश्रण होगा, जो अयोध्या की सांस्कृतिक विविधता को दर्शाएगा। अयोध्या के विकास में मील का पत्थर अयोध्या के विकास में यह म्यूजियम मील का पत्थर साबित होगा। राम मंदिर के बाद पर्यटन में आई बूम को देखते हुए यह केंद्र सालाना करोड़ श्रद्धालुओं को आकर्षित करेगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या को 'विश्व स्तरीय पर्यटन नगरी' बनाने का संकल्प लिया है। दीपोत्सव के दीयों से जगमगाती अयोध्या में यह म्यूजियम आस्था का केंद्र बनेगा। कुल पचास पात्रों की बनी हैं मूर्तियां फर्स्ट फ्लोर पर वनवास के दौरान सुंदरवन, सीता हरण और रावण वध की 3डी लाइटिंग प्रभाव से सजी मूर्तियां हैं। हनुमान जी की लंका दहन वाली मूर्ति में आग के प्रभाव जैसी लाइटिंग है, जो रोमांच पैदा करेगी। कुल 50 पात्रों में राम, सीता, लक्ष्मण, भरत, हनुमान, रावण, विभीषण समेत सभी प्रमुख चरित्र शामिल हैं। सुरक्षा और सुविधाओं के मामले में म्यूजियम अत्याधुनिक है। एयर कंडीशंड हॉल में तापमान 22 डिग्री पर नियंत्रित रहेगा। सीसीटीवी और सिक्योरिटी गार्ड 24×7 निगरानी करेंगे। इसमें प्रवेश करने के लिए ₹100 का शुल्क निर्धारित किया जाएगा।

जेल के बाहर युवक की पिटाई का विवादित वीडियो, जेलर और आरक्षक दोषी?

सक्ती उप जेल के बाहर एक युवक के साथ मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. वीडियो में जेलर और तीन आरक्षकों द्वारा युवक की पिटाई करते हुए देखा जा सकता है. मामले में जेलर ने बताया कि युवक आदतन अपराधी है और नशे की हालत में जेल परिसर पहुंचा था. वह जेल में बंद अपने साथी कैदी से मिलने की जिद कर रहा था. कई बार समझाने के बावजूद जब उसने बात नहीं मानी, तो उसने जेलर पर हमला कर दिया, जिसके बाद जेल प्रबंधन को कार्रवाई करनी पड़ी. घटना की सूचना मिलते ही थाना पुलिस और 112 की टीम मौके पर पहुंची और युवक को थाने ले गई. फिलहाल मामले की जांच जारी है, वहीं वीडियो वायरल होने के बाद जेल प्रशासन के रवैये पर भी सवाल उठने लगे हैं.

मिशन स्वस्थ कवच: पैरेंट-टीचर मीटिंग में अब पढ़ाई नहीं, ब्लड प्रेशर भी बनेगी टॉपिक!

लुधियाना पंजाब का शिक्षा विभाग मानो प्रयोगशाला बन गया है, जहां हर हफ्ते शिक्षकों पर कोई नया प्रयोग कर दिया जाता है। कभी ‘एनरोलमैंट ड्राइव’, कभी ‘सर्वे’, कभी ‘सड़क सुरक्षा अभियान’, तो कभी ‘स्वच्छता सप्ताह’ में अध्यापकों की ड्यूटी और अब बारी है ‘मिशन स्वस्थ कवच’ की। इस मिशन के तहत 17 अक्तूबर को होने वाली पैरेंट-टीचर मीटिंग (पी.टी.एम.) में अध्यापक न केवल बच्चों की पढ़ाई पर चर्चा करेंगे, बल्कि अभिभावकों का बी.पी. (रक्तचाप) भी जांचेंगे। यानि अब शिक्षकों की चाक छोड़कर स्टैथौस्कोप संभालने की बारी आ गई है। जिला शिक्षा अधिकारी (सैकेंडरी) के कार्यालय से जारी पत्र ने इस बार शिक्षकों को डॉक्टर बना दिया है। आदेश के अनुसार, 17 अक्तूबर को होने वाली माता-पिता शिक्षक बैठक (पी.टी.एम.) में ‘मिशन स्वास्थ्य कवच’ के तहत स्कूलों में ब्लड प्रैशर जांच शिविर लगाए जाएंगे। इस दौरान अध्यापक और विद्यार्थी मिलकर कम से कम 100 अभिभावकों का बी.पी. 3-3 बार चेक करेंगे और उसका रिकॉर्ड गूगल फॉर्म में भरेंगे। विभाग ने कहा है कि पूरे कार्यक्रम की फोटोग्राफी कर सबूत अपने पास रखें, ताकि जरूरत पड़ने पर रिपोर्ट मांगी जा सके। शिक्षक या स्वास्थ्य कार्यकर्त्ता? आदेश में कहा गया है कि जिन स्कूलों ने मिशन स्वास्थ्य कवच की ट्रेनिंग ली है, वे कैंप लगाकर लोगों को बी.पी. से जुड़ी जानकारी देंगे। इस पूरी प्रक्रिया की जिम्मेदारी विद्यालय के हेल्थ मेंटर को दी गई है, जो विद्यार्थियों की सहायता से जांच करवाएगा। विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि जिन्होंने अभी तक बी.पी. मशीन प्राप्त नहीं की, वे 16 अक्तूबर तक इसे ले लें, अन्यथा इसे डिप्टी कमिश्नर के आदेशों की अवहेलना माना जाएगा। शिक्षकों में नाराजगी- ‘हम डॉक्टर नहीं, शिक्षक हैं’ इस आदेश ने शिक्षा जगत में तीखी प्रतिक्रिया पैदा कर दी है। अध्यापकों ने इसे “शिक्षा के क्षेत्र में बढ़ती गैर-शैक्षणिक जिम्मेदारियों” का उदाहरण बताया है। उनका कहना है कि शिक्षा विभाग अब अध्यापकों को हर प्रशासनिक प्रयोग का हिस्सा बना रहा है, जिससे पढ़ाई पर ध्यान देना कठिन होता जा रहा है। अब शिक्षक अध्यापक, सर्वेक्षक और डॉक्टर तीनों एक साथ!   जिला शिक्षा अधिकारी (स) ने आदेश जारी किया है कि हर स्कूल में पी.टी.एम. के दौरान अभिभावकों के स्वास्थ्य की जांच कर ‘मिशन स्वस्थ कवच’ की सफलता सुनिश्चित की जाए। इसके लिए शिक्षकों को ब्लड प्रेशर मशीन और बुनियादी जांच की जानकारी देने का भी निर्देश आया है। कुछ शिक्षकों ने इस पर व्यंग्य करते हुए कहा कि लगता है शिक्षा विभाग अब “सर्वगुण संपन्न अध्यापक योजना” पर काम कर रहा है। एक अध्यापक ने कहा “पहले हमें बच्चों के अंक देखने होते थे, अब अभिभावकों का ब्लड प्रेशर भी देखना होगा। अगली बार शायद डॉक्टर की तरह दवाई भी लिखनी पड़ जाए!” कई शिक्षकों का कहना है कि शिक्षण कार्य पहले ही असंख्य अतिरिक्त जिम्मेदारियों के बोझ तले दबा हुआ है, और अब स्वास्थ्य जांच का नया अध्याय जुड़ गया है। “कभी सर्वे टीम में शामिल करो, कभी मतदाता सूची बनवाओ, कभी किसी योजना का प्रचार कराओ अब स्वास्थ्य सेवाओं में भी उतार दिया गया है,” एक शिक्षक ने व्यंग्य में कहा।

‘कांतारा चैप्टर 1’ का जलवा बरकरार, वर्ल्डवाइड कलेक्शन में रचा नया इतिहास

मुंबई,  सिनेमा की दुनिया में कभी-कभी ऐसी फिल्में आती हैं जो अपनी कहानी, अभिनय और निर्देशन से दर्शकों के दिलों में गहरी छाप छोड़ जाती हैं। ऐसी ही एक फिल्म है ‘कांतारा चैप्टर 1’ जिसने न केवल दर्शकों का दिल जीता है बल्कि बॉक्स ऑफिस पर भी रिकॉर्ड तोड़ कमाई की है। जब कोई फिल्म रिलीज होती है, तो उसके शुरुआती दिन उसके सफल होने की दिशा तय करते हैं। लेकिन ‘कांतारा चैप्टर 1’ की बात कुछ अलग ही है। यह फिल्म न केवल शुरुआती दिनों में बल्कि लगातार कई हफ्तों तक अपनी कमाई में इजाफा करती रही, जो दर्शाता है कि इसे देखने वालों की संख्या हर दिन बढ़ती जा रही है। ऋषभ शेट्टी, जो इस फिल्म के निर्देशक और मुख्य कलाकार भी हैं, ने अपनी मेहनत और प्रतिभा से इस फिल्म को एक नई पहचान दी है। सैकनिल्क की रिपोर्ट के मुताबिक, फिल्म ने पहले सप्ताह में कुल 337.4 करोड़ का कलेक्शन किया, जिसमें सबसे अधिक योगदान हिंदी वर्जन का रहा, जिसमें 108.75 करोड़ की कमाई हुई और कन्नड़ वर्जन में 106.95 रुपए जुटाए गए। इसके अलावा तेलुगु, तमिल, और मलयालम भाषाओं में भी फिल्म ने अच्छा प्रदर्शन किया है। दूसरे हफ्ते की शुरुआत भी अच्छी रही। दूसरे शुक्रवार यानी नौवें दिन फिल्म ने 22.25 करोड़ कमाए। दसवें दिन का कलेक्शन बढ़कर 39 करोड़ हुआ, जिसमें सबसे ज्यादा कलेक्शन हिंदी और कन्नड़ से आया। ग्यारहवें दिन यह और थोड़ा बढ़कर 39.75 करोड़ तक पहुंचा। बारहवें दिन को सामान्य गिरावट दर्ज हुई और कलेक्शन गिरकर 13.35 करोड़ हो गया, जो कि पिछले दिन की तुलना में लगभग 66.42 प्रतिशत की गिरावट है। फिल्म ने तेरहवें दिन 13.50 करोड़ कमाए। यह आंकड़ा बताता है कि फिल्म को लेकर दर्शकों का क्रेज बढ़ता ही जा रहा है। इसी के साथ, फिल्म का कुल भारतीय कलेक्शन अब तक 465.25 करोड़ के पार पहुंच चुका है, जो एक बड़ी उपलब्धि है। वहीं, अगर वर्ल्डवाइड कमाई की बात करें, तो ‘कंतारा चैप्टर 1’ ने भारत के साथ-साथ विदेशों में भी शानदार प्रदर्शन किया है। फिल्म ने अब तक दुनियाभर में 656 करोड़ रुपए का कलेक्शन किया है। फिल्म में ऋषभ शेट्टी के साथ रुक्मिणी वसंत, गुलशन देवैया और जयराम ने शानदार भूमिका निभाई है। उनकी एक्टिंग और फिल्म का कंटेंट दर्शकों को पूरी तरह बांधे रखता है।